कूटनीति में आया क्रिकेट! जयशंकर ने जापानी विदेश मंत्री को क्यों गिफ्ट किया बैट?

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देश की राजधानी दिल्ली में भारत-जापान विदेश मंत्रियों की अहम मुलाकात हुई। भारत और जापान के बीच 18वीं भारत-जापान रणनीतिक बातचीत के दौरान कूटनीति के साथ क्रिकेट का “तड़का” लग गया। जापान के विदेश मंत्री तोशिमित्सु मोतेगी भारत की यात्रा पर आए हुए हैं। जापानी विदेश मंत्री ने शुक्रवार को अपने भारतीय समकक्ष डॉ. एस जयशंकर से मुलाकात की। विदेश मंत्री एस जयशंकर और जापान के विदेश मंत्री तोशिमित्सु मोतेगी ने साझा रणनीतिक मुद्दों पर चर्चा की, तो वहीं क्रिकेट के प्रति समान रुचि ने माहौल को और सहज बना दिया।

जयशंकर ने इस मुलाकात को लेकर जानकारी दी। जयशंकर ने इस मौके पर अपने जापानी समकक्ष को भारतीय क्रिकेट टीम के खिलाड़ियों का हस्ताक्षर किया हुआ बैट गिफ्ट किया। वहीं, जापानी विदेश मंत्री ने रिटर्न गिफ्ट के रूप में जयशंकर को जापान के नेशनल क्रिकेट टीम की जर्सी भेंट की।

क्रिकेट प्रेमी हैं जापानी विदेश मंत्री

जयशंकर ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट एक्स पर इस मुलाकात से जुड़ी तस्वीरें पोस्ट की। इसके साथ ही उन्होंने लिखा कि जापान के विदेश मंत्री तोशिमित्सु मोतेगी का भारत में स्वागत करके बहुत खुशी हुई। उन्होंने आगे लिखा कि आज जब हम भारत और जापान रणनीतिक बातचीत कर रहे हैं, तो विदेश मंत्री तोशिमित्सु मोतेगी में एक और क्रिकेट प्रेमी को पाकर और भी अधिक खुशी हुई।

दोनों विदेश मंत्रियों ने एक दूसरे को दिए खास गिफ्ट

जयशंकर ने लिखा कि खेल के प्रति हमारे साझा जुनून की भावना में, जापान की नेशनल क्रिकेट टीम की जर्सी पाकर सम्मानित महसूस कर रहा हूं। उन्होंने कहा कि मैंने उन्हें भारतीय क्रिकेट टीम की तरफ से साइन किया गया एक बैट भी गिफ्ट किया।

अनिश्चित वैश्विक हालात में साझा रणनीतिक लक्ष्यों पर फोकस

इस मुलाकात में क्रिकेट सिर्फ मजाक नहीं था, बल्कि दोस्ताना रिश्तों का प्रतीक बनकर उभरा। इसके साथ ही बातचीत का एजेंडा बेहद गंभीर और रणनीतिक रहा। जयशंकर ने साफ कहा कि मौजूदा वैश्विक हालात में भारत और जापान के लिए मिलकर अपने सामरिक उद्देश्यों को पूरा करना और भी जरूरी हो गया है। उन्होंने यह भी दोहराया कि भारत, जापान के साथ अपने रिश्तों को प्राथमिकता देता है। यह बयान ऐसे समय में आया है, जब दुनिया यूक्रेन-रूस युद्ध, चीन की बढ़ती आक्रामकता और वैश्विक सप्लाई चेन संकट जैसी चुनौतियों से जूझ रही है।

रणनीतिक मंचों पर सहयोग बढ़ा

जयशंकर ने कहा कि बीते दो दशकों में भारत-जापान संबंध केवल आर्थिक साझेदारी से आगे बढ़कर व्यापक और रणनीतिक रिश्ते में बदल चुके हैं। उन्होंने बताया कि दोनों देश क्वाड, संयुक्त राष्ट्र, जी-4 समूह और जी-20 जैसे मंचों पर लगातार सहयोग कर रहे हैं। यह साझेदारी सुरक्षा, कूटनीति और वैश्विक शासन के क्षेत्रों में मजबूत होती जा रही है।

चौपारण थाना क्षेत्र में अवैध अफीम की खेती पर बड़ी कार्रवाई, लगभग 40 एकड़ में लगी फसल नष्ट

हजारीबाग: दिनांक 16 जनवरी 2026 को प्राप्त सूचना के आधार पर चौपारण थाना अंतर्गत ग्राम सिलोदर में वन विभाग एवं चौपारण पुलिस द्वारा संयुक्त अभियान चलाया गया। अभियान के दौरान लगभग 40 एकड़ में अवैध रूप से की जा रही अफीम की खेती को चिन्हित करते हुए मौके पर ही पूरी फसल को विनष्ट कर दिया गया।

अभियान के दौरान घटनास्थल से 3 डिलीवरी पाइप बरामद किए गए, जिन्हें वहीं नष्ट कर दिया गया। अवैध रूप से अफीम की खेती में संलिप्त व्यक्तियों के नाम-पता का सत्यापन किया जा रहा है। दोषियों की पहचान के बाद उनके विरुद्ध कानूनी कार्रवाई की जाएगी। मामले को लेकर अग्रतर कार्रवाई जारी है।

इस संयुक्त अभियान में बरही SDPO श्री अजित कुमार बिमल, बरही अंचल के पु0नि0 श्री चंद्रशेखर, चौपारण थाना प्रभारी सरोज सिंह चौधरी, SI सुबिन्दर राम, SI सरवन कुमार पासवान, ASI बदल महतो, सशस्त्र बल के जवान तथा बनपाल सरवन कुमार शामिल रहे।

पुलिस द्वारा बताया गया कि अवैध मादक पदार्थों की खेती एवं तस्करी के विरुद्ध आगे भी इसी तरह सख्त अभियान लगातार जारी रहेगा।

उल्लेखनीय है कि इससे पूर्व चौपारण थाना क्षेत्र में खेती से पहले जागरूकता अभियान चलाया गया था। इसी के आलोक में दिनांक 16 जनवरी 2026 को ग्राम अहरी में भी अफीम विनष्टीकरण अभियान चलाया गया, जहां यह पाया गया कि पूर्व में अफीम की खेती वाले स्थानों पर अब सरसों एवं मूंगफली की खेती की जा रही है।

हजारीबाग पुलिस की निरंतर जागरूकता और विनष्टीकरण अभियानों के फलस्वरूप अफीम की खेती पर प्रभावी अंकुश लगा है। आगे भी अफीम की अवैध खेती के विरुद्ध अभियान लगातार जारी रहेगा।

चेहरे पर जमे मैल को साफ करने का सबसे असरदार उपाय

सर्दियों के मौसम में त्वचा को सबसे ज्यादा नुकसान रूखापन और डेड स्किन से होता है। ठंडी हवा और कम नमी के कारण स्किन ड्राई हो जाती है, जिससे चेहरे पर धीरे-धीरे मृत त्वचा की एक परत जमने लगती है। जब इस पर धूल-मिट्टी और प्रदूषण चिपक जाता है, तो चेहरा मैला और बेजान नजर आने लगता है। ऐसे में अगर आप केमिकल वाले प्रोडक्ट्स से बचते हुए कोई आसान घरेलू उपाय अपनाना चाहते हैं, तो बेसन आपके लिए सबसे असरदार विकल्प हो सकता है।
चेहरे पर जमा मैल क्यों दिखने लगता है?
त्वचा की ऊपरी परत समय के साथ खुद को रिन्यू करती रहती है, लेकिन जब डेड स्किन समय पर साफ नहीं होती, तो वह चेहरे पर जमने लगती है। सर्दियों में पसीना कम निकलने के कारण यह परत आसानी से हट नहीं पाती। नतीजा यह होता है कि स्किन डल, रूखी और गंदी नजर आने लगती है।
चेहरे का मैल साफ करने का सबसे असरदार घरेलू उपाय
चेहरे की गहराई से सफाई के लिए हफ्ते में एक बार स्क्रबिंग बेहद जरूरी है। इसके लिए बेसन से बेहतर और सुरक्षित कोई उपाय नहीं माना जाता।
तरीका 1: बेसन और दूध का स्क्रब
2 चम्मच बेसन लें
जरूरत अनुसार कच्चा दूध मिलाकर गाढ़ा पेस्ट बनाएं
इसे चेहरे पर लगाकर 10 मिनट तक छोड़ दें
अब हल्के हाथों से गोल-गोल घुमाते हुए स्क्रब करें
अगर पेस्ट सूख जाए तो थोड़ा पानी लगाकर रगड़ें
नॉर्मल पानी से चेहरा धो लें
यह तरीका डेड स्किन, गंदगी और चेहरे पर जमे मैल को पूरी तरह साफ कर देता है और त्वचा में तुरंत निखार लाता है।
तरीका 2: ऑयली स्किन के लिए बेसन और दही
अगर आपकी स्किन ज्यादा तैलीय है, तो बेसन में दूध की जगह दही मिलाएं।
चेहरे पर लेप लगाएं
5 मिनट हल्के हाथों से स्क्रब करें
फिर पानी से धो लें
इसके बाद हल्का मॉइश्चराइजर जरूर लगाएं।
कितनी बार करें यह स्क्रब?
हफ्ते में 1 बार पर्याप्त है
महीने में 4 बार से ज्यादा न करें
ज्यादा रगड़ने से स्किन में जलन हो सकती है
चेहरे पर बेसन लगाने के फायदे
डेड स्किन और गहराई से जमी गंदगी साफ करता है
स्किन की रंगत निखारता है
अतिरिक्त तेल सोखकर मुंहासों को कम करता है
दाग-धब्बे हल्के करने में मदद करता है
धूप से हुई टैनिंग हटाता है
रोमछिद्रों को साफ कर स्किन को स्मूद बनाता है
त्वचा को मुलायम और चमकदार बनाता है
जरूरी सावधानी
अगर आपकी त्वचा बहुत संवेदनशील है, तो पहले पैच टेस्ट जरूर करें। ज्यादा जोर से स्क्रब न करें और स्क्रब के बाद सनस्क्रीन या मॉइश्चराइजर जरूर लगाएं।
माघ मेला में मकर संक्रांति के अवसर पर लाल बाबा ने किया प्रसाद वितरण

प्रयागराज। माघ मेला में मकर संक्रांति के अवसर पर मां वैष्णो देवी के कृपा पात्र श्री श्री 1008 लाल बाबा ने अमरावती जन कल्याण सेवा ट्रस्ट के बैनर तले वहां आए भक्तों को देसी घी से निर्मित प्रसाद का वितरण किया। अंतर्राष्ट्रीय ज्योतिषाचार्य के रूप में प्रसिद्ध लाल बाबा सेवा परमो धर्म: में विश्वास रखते हैं।

आध्यात्म के साथ-साथ सामाजिक क्षेत्र में भी सक्रिय रहने वाले लाल बाबा पूर्वांचल में एक बड़े संत के रूप में पहचाने जाते हैं। मुंगरा बादशाहपुर में उनका मठ है, जहां वे रहकर लोगों को अध्यात्म से जोड़ने का काम करते हैं।

NIA की बड़ी कार्रवाई: मगध जोन का कुख्यात नक्सली 'चंदन' मुंबई से गिरफ्तार, मज़दूर बनकर काट रहा था


राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने एक विशेष अभियान के तहत बिहार-झारखंड के सीमावर्ती क्षेत्रों में सक्रिय और लंबे समय से फरार चल रहे कुख्यात नक्सली चंदन कुमार को मुंबई से गिरफ्तार कर लिया है। एनआईए ने आधिकारिक तौर पर इस गिरफ्तारी की पुष्टि करते हुए बताया कि आरोपी 2021 से ही जांच एजेंसियों की आंखों में धूल झोंककर फरार चल रहा था।

कौन है चंदन कुमार?

मूल रूप से बिहार के जहानाबाद का रहने वाला चंदन कुमार प्रतिबंधित संगठन सीपीआई (माओइस्ट) का सक्रिय सदस्य है। वह विशेष रूप से मगध जोन में संगठन को दोबारा जीवित करने के लिए रचे गए 'मगध षड्यंत्र' (RC-05/2021/NIA/RNC) मामले में नामजद था। संगठन में उसकी पहचान एक 'फाइनेंशियल एक्सपर्ट' के तौर पर थी, जो लेवी वसूली और फंड मैनेजमेंट के जरिए माओवादियों की आर्थिक स्थिति को मजबूत करता था।

मज़दूर बनकर छिपा था मुंबई में

गिरफ्तारी से बचने के लिए चंदन ने अपनी पहचान छुपा ली थी और मुंबई में एक मज़दूर के रूप में काम कर रहा था। हालांकि, मज़दूर के भेष में रहकर भी वह ग्रामीण इलाकों में सक्रिय अपने ग्राउंड वर्कर्स (GWS) के संपर्क में था और उन्हें लेवी वसूली, हथियारों के निर्माण और नए कैडरों की भर्ती के लिए निर्देशित कर रहा था।

NIA की जांच में हुए खुलासे:

हथियारों का जखीरा: जांच में पता चला कि चंदन मगध जोनल कमेटी के माध्यम से हथियारों के संग्रह और वितरण का प्रमुख केंद्र था।

संगठन का विस्तार: आरोपी प्रद्युम्न शर्मा और सुनील भगत जैसे बड़े नक्सली नेताओं के साथ मिलकर मगध क्षेत्र में संगठन के विस्तार की योजना पर काम कर रहा था।

भगोड़ा घोषित: एनआईए की विशेष अदालत ने पहले ही उसे आईपीसी की विभिन्न धाराओं के तहत 'भगोड़ा' घोषित कर दिया था।

बाराबंकी टोल प्लाजा पर वकील से मारपीट के विरोध में कर्नलगंज बार एसोसिएशन का प्रदर्शन, राज्यपाल को भेजा ज्ञापन

कर्नलगंज, गोंडा। बाराबंकी टोल प्लाजा पर एक अधिवक्ता के साथ की गई मारपीट की घटना से आक्रोशित कर्नलगंज बार एसोसिएशन ने आज जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। अधिवक्ताओं ने राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन उप जिलाधिकारी को सौंपकर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की।

ज्ञापन में बार एसोसिएशन ने मांग की है कि अधिवक्ता के साथ मारपीट करने वालों पर राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (एनएसए) के तहत कार्रवाई की जाए तथा संबंधित टोल प्लाजा का लाइसेंस तत्काल रद्द किया जाए। इसके साथ ही प्रदेश भर में अधिवक्ताओं की गाड़ियों को टोल फ्री किए जाने और अधिवक्ता सुरक्षा कानून को शीघ्र लागू करने की मांग उठाई गई।

बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं की गई तो आंदोलन को और व्यापक व उग्र रूप दिया जाएगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी। इस दौरान बड़ी संख्या में अधिवक्ता मौजूद रहे और एकजुट होकर न्याय व सुरक्षा की मांग उठाई।
मेडिकल कॉलेज में चूहों के वीडियो पर चिकित्सा अधीक्षक की अध्यक्षता में तीन सदस्यीय जांच कमेटी गठित
*48 घंटे में प्रधानाचार्य ने मांगी जांच रिपोर्ट

गोंडा।जिला मुख्यालय स्थित मेडिकल कॉलेज के आर्थो वार्ड में चूहों के आतंक का वीडियो वायरल होने के बाद अब कॉलेज प्रशासन ने कड़ा कदम उठाया है।मेडिकल कॉलेज के प्रधानाचार्य डाक्टर धनंजय श्रीकांत कोटास्थाने ने चिकित्सा अधीक्षक डाक्टर डीएन सिंह की अध्यक्षता में तीन सदस्यीय जांच कमेटी का गठन किया है।जांच कमेटी को 48 घंटे के अंदर विस्तृत रिपोर्ट तैयार कर प्रधानाचार्य, जिलाधिकारी व शासन को भेजने का निर्देश दिया गया है।वीडियो वायरल होने के बाद देश के कई राजनीतिक पार्टियों और नेताओं ने सोशल मीडिया पर उत्तर प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था,स्वास्थ्य मंत्री और गोंडा स्वास्थ्य विभाग पर सवाल उठाए थे।इस पर जिलाधिकारी और शासन द्वारा मेडिकल कॉलेज को फटकार लगाने के बाद अब जांच के आदेश दिए गए हैं।वहीं इस मामले में प्रधानाचार्य डाक्टर धनंजय श्रीकांत कोटास्थाने ने बताया कि सभी वार्डों में दवा का छिड़काव कराया गया है और चूहे अब गायब हो गये हैं।उन्होंने कहा कि जांच कमेटी की रिपोर्ट आने के बाद उनके स्तर से विस्तृत रिपोर्ट बनाकर जिलाधिकारी व शासन को भेजी जाएगी।रिपोर्ट में लापरवाही पाए जाने पर जिम्मेदारों के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी।प्रधानाचार्य ने कहा कि मरीजों की सुरक्षा हमारी जिम्मेदारी है।ठंड के मौसम में मरीजों के साथ तीमारदार अधिक खाने पीने की चीजें लेकर आते हैं और पुरानी बिल्डिंग होने के कारण चूहे अंदर प्रवेश कर जाते हैं।उन्होंने बताया कि इस समस्या को दूर करने के लिए बिल्डिंग को एक महीने में दूसरे भवन में शिफ्ट किया जाएगा,जिससे पूरी समस्या खत्म हो जाएगी।
महिला समूह में 1.15 करोड़ का घोटाला,तत्कालीन ब्लॉक मिशन मैनेजर सहित 12 महिलाओं पर मुकदमा दर्ज
गोंडा।जिले के आकांक्षी ब्लॉक रुपईडीह में स्वयं सहायता समूहों के संचालन में 1.15 करोड़ रुपए के सामुदायिक निवेश निधि घोटाले का मामला सामने आया है।पुलिस ने इस मामले में तत्कालीन ब्लॉक मिशन मैनेजर कुलदीप कुमार सहित समूह, ग्राम संगठन और संकुल संघ की 12 महिला पदाधिकारियों के खिलाफ चार अलग अलग मुकदमे दर्ज किए गए हैं।सभी मुकदमे खरगूपुर थाने में दर्ज किए गए हैं और जांच शुरू कर दी गई है।जांच में खुलासा हुआ है कि यह घोटाला वर्ष 2022 से ही चल रहा था।रुपईडीह ब्लॉक नीति आयोग की निगरानी में एक आकांक्षी ब्लॉक के रूप में कार्य कर रहा था।दिसंबर 2024 में मुख्य विकास अधिकारी अंकिता जैन के निर्देश पर पहला मुकदमा दर्ज किया गया था।इसके बाद ग्राम्य विकास आयुक्त के आदेश पर पूरे ब्लॉक की विस्तृत जांच कराई गई जो लगभग एक वर्ष तक चली।आरोपों की पुष्टि होने के बाद अब चार मामलों में मुकदमे दर्ज किए गए हैं।सहायक विकास अधिकारी (ग्राम्य विकास) विष्णु प्रजापति के अनुसार,महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से स्वयं सहायता समूह,ग्राम संगठन और संकुल संघ का गठन किया गया था।नियमानुसार प्रत्येक समूह को पहले 1.10 लाख और बाद में 1.50 लाख रुपए सामुदायिक निवेश निधि के रूप में दिए जाने थे।हालांकि तत्कालीन बीएमएम कुलदीप कुमार की मिली भगत से नियमों को ताक पर रखकर कहीं 13 लाख तो कहीं 42 लाख तक की रकम जारी करवा लिया गया।दर्ज किए गए चार अलग अलग मामलों में अवस्थी पेंट्स स्वयं सहायता समूह,फरेंदा शुक्ल में 21,21,531रुपए के गबन का आरोप है।इसमें अध्यक्ष सावित्री देवी, सचिव रंजना तिवारी,कोषाध्यक्ष जोखना देवी और बीएमएम कुलदीप कुमार नामजद हैं।वहीं भारतीय महिला संकुल प्रेरणा संघ में 13,20,000 रुपए की हेराफेरी के आरोप में अध्यक्ष अर्चना, सचिव राजरानी और कोषाध्यक्ष अंक कुमारी पर मुकदमा दर्ज हुआ है।इसके अतिरिक्त महिला शक्ति ग्राम संगठन पचरन में 38,85,960 रुपए के गबन के मामले में अध्यक्ष अर्चना, सचिव नन्की,कोषाध्यक्ष कामू और बीएमएम कुलदीप कुमार को आरोपी बनाया गया है।राधा महिला ग्राम संगठन खरगूपुर डिंगुर में 42,61,900 रुपए की हेराफेरी के आरोप में अध्यक्ष अंक कुमारी,सचिव काजल तिवारी,कोषाध्यक्ष कांति देवी और बीएमएम कुलदीप कुमार के खिलाफ भी मुकदमा दर्ज किया गया है।
कीचड़ से परेशान ग्रामीण, शिकायतों के बाद भी नहीं हुआ समाधान
बहसूमा/ मेरठ।क्षेत्र के एक गांव में मकान के सामने से गुजरने वाले रास्ते पर लगातार कीचड़ रहने से ग्रामीणों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस संबंध में मनोज पुत्र विजयपाल ने बताया कि उनके मकान के सामने से जाने वाला रास्ता लंबे समय से कीचड़ से भरा हुआ है, जिससे आवागमन करना दूभर हो गया है। बरसात या पानी गिरते ही रास्ता दलदल में तब्दील हो जाता है और बच्चों, बुजुर्गों व महिलाओं को खासा दिक्कतों का सामना करना पड़ता है।

मनोज ने आरोप लगाया कि इस समस्या को लेकर कई बार संबंधित सचिव सचिन को अवगत कराया गया। उनसे बार-बार आग्रह किया गया कि रास्ते पर ईंटों का खड़ंजा लगवा दिया जाए, ताकि लोगों को राहत मिल सके। लेकिन हर बार सचिव द्वारा केवल “कल करवा देंगे” या “प्रस्ताव भेज दिया है” जैसे आश्वासन ही दिए जाते रहे। महीनों बीत जाने के बावजूद आज तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो पाई है।

ग्रामीणों का कहना है कि सचिव आए दिन इसी तरह टालमटोल करते रहते हैं, जिससे समस्या जस की तस बनी हुई है। रास्ते में कीचड़ होने के कारण  कपड़े खराब हो जाते हैं, दोपहिया वाहन फिसलने का खतरा बना रहता है और पैदल चलना भी मुश्किल हो गया है।

इस मामले को लेकर ग्रामीणों में भारी रोष व्याप्त है। लोगों ने मांग की है कि जल्द से जल्द रास्ते पर ईंटों का खड़ंजा या पक्का निर्माण कराया जाए, ताकि वर्षों से चली आ रही इस समस्या से निजात मिल सके। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र समाधान नहीं हुआ तो वे उच्च अधिकारियों से शिकायत करने को मजबूर होंगे। ग्राम सचिव सुरजीत सिंह ने बताया कि इसका एस्टीमेट हो गया है और एक-दो दिन से काम चालू हो जाएगा किसनो की परेशानी समाप्त की जाएगी
उत्तर भारत में हाड़ कंपाती सर्दी, 6 राज्यों में बारिश का अलर्ट, अभी राहत के आसार नहीं

#imdweatheralertnorthindiafreezingcoldheavyfog_rain

पहाड़ों से लेकर मैदान तक, इन दिनों हाड़ कंपा देने वाली सर्दी पड़ रही है। शरीर पर कपड़ों की मोटी लेयर के बाद भी कंपकंपी रुकने का नाम नहीं ले रही है। दिल्ली से लेकर यूपी, बिहार तक, हर जगह ठंड का सितम देखने को मिल रहा है। फिलहाल इससे राहत मिलने के आसार नहीं हैं।

मौसम विभाग ने अगले चार-पांच दिनों तक पहाड़ों पर बारिश होने का अलर्ट जारी किया है। इस दौरान कुछ जगह बर्फबारी भी होने का अनुमान है। मैदानी इलाकों में भी बारिश-बूंदाबांदी होने से कई राज्यों में शीतलहर की स्थिति रहेगी। वहीं, एक सप्ताह तक उत्तर और पूर्व के कई राज्यों में घने से बेहद घना कोहरा मुश्किल बढ़ाएगा।

शीतलहर से लेकर गंभीर शीतलहर की चेतावनी

भारत मौसम विज्ञान विभाग ने उत्तर भारत के कई राज्यों में शीतलहर से लेकर गंभीर शीतलहर की चेतावनी जारी की है। विभाग के अनुसार, अगले 2–3 दिनों तक हिमाचल प्रदेश, पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, राजस्थान, झारखंड और ओडिशा में ठंड का प्रकोप बना रहेगा, जबकि उसके बाद इसमें धीरे-धीरे कमी आने की संभावना है।

5-6 दिनों तक घने कोहरे की संभावना

मौसम विभाग के अनुसार, अगले 5-6 दिनों के दौरान उत्तर-पश्चिम भारत और बिहार में घना से बहुत घना कोहरा छाए रहने की संभावना है। जबकि पश्चिमी उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड में शीतदिवस की अगले दो दिनों तक स्थिति बनी रह सकती है।

बारिश और बर्फबारी की संभावना

मौसम विभाग के मुताबिक 16 से 21 जनवरी के बीच जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में हल्की से मध्यम बारिश और बर्फबारी की संभावना है। इसके साथ ही 18–20 जनवरी के दौरान पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, पूर्वी राजस्थान और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भी छिटपुट बारिश हो सकती है।

कैसा रहेगा दिल्ली का मौसम?

इधर, दिल्ली में सर्दी ने पिछले तीन सालों का रिकॉर्ड तोड़ दिया है। गुरुवार को 2.3 डिग्री के टेंपरेचर के साथ कोहरे ने खूब परेशान किया। 16 जनवरी को भी शीतलहर की स्थिति बनी रहेगी। राजधानी के कुछ हिस्सों में हल्का से मध्यम स्तर का घना कोहरा रहेगा। वहीं 17 से 21 जनवरी तक आसमान में बादल छाए रहेंगे। सुबह के वक्त थोड़ा कोहरा भी देखने को मिलेगा। इस दौरान न्यूनतम तापमान 5 से बढ़कर 9 डिग्री पहुंच सकता है। जबकि अधिकतम तापमान 22 से 25 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने की संभावना है, जिससे थोड़ी राहत मिल सकती है।

कूटनीति में आया क्रिकेट! जयशंकर ने जापानी विदेश मंत्री को क्यों गिफ्ट किया बैट?

#sjaishankargiftedindiancricketteamsignedbattojapanforeign_minister

देश की राजधानी दिल्ली में भारत-जापान विदेश मंत्रियों की अहम मुलाकात हुई। भारत और जापान के बीच 18वीं भारत-जापान रणनीतिक बातचीत के दौरान कूटनीति के साथ क्रिकेट का “तड़का” लग गया। जापान के विदेश मंत्री तोशिमित्सु मोतेगी भारत की यात्रा पर आए हुए हैं। जापानी विदेश मंत्री ने शुक्रवार को अपने भारतीय समकक्ष डॉ. एस जयशंकर से मुलाकात की। विदेश मंत्री एस जयशंकर और जापान के विदेश मंत्री तोशिमित्सु मोतेगी ने साझा रणनीतिक मुद्दों पर चर्चा की, तो वहीं क्रिकेट के प्रति समान रुचि ने माहौल को और सहज बना दिया।

जयशंकर ने इस मुलाकात को लेकर जानकारी दी। जयशंकर ने इस मौके पर अपने जापानी समकक्ष को भारतीय क्रिकेट टीम के खिलाड़ियों का हस्ताक्षर किया हुआ बैट गिफ्ट किया। वहीं, जापानी विदेश मंत्री ने रिटर्न गिफ्ट के रूप में जयशंकर को जापान के नेशनल क्रिकेट टीम की जर्सी भेंट की।

क्रिकेट प्रेमी हैं जापानी विदेश मंत्री

जयशंकर ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट एक्स पर इस मुलाकात से जुड़ी तस्वीरें पोस्ट की। इसके साथ ही उन्होंने लिखा कि जापान के विदेश मंत्री तोशिमित्सु मोतेगी का भारत में स्वागत करके बहुत खुशी हुई। उन्होंने आगे लिखा कि आज जब हम भारत और जापान रणनीतिक बातचीत कर रहे हैं, तो विदेश मंत्री तोशिमित्सु मोतेगी में एक और क्रिकेट प्रेमी को पाकर और भी अधिक खुशी हुई।

दोनों विदेश मंत्रियों ने एक दूसरे को दिए खास गिफ्ट

जयशंकर ने लिखा कि खेल के प्रति हमारे साझा जुनून की भावना में, जापान की नेशनल क्रिकेट टीम की जर्सी पाकर सम्मानित महसूस कर रहा हूं। उन्होंने कहा कि मैंने उन्हें भारतीय क्रिकेट टीम की तरफ से साइन किया गया एक बैट भी गिफ्ट किया।

अनिश्चित वैश्विक हालात में साझा रणनीतिक लक्ष्यों पर फोकस

इस मुलाकात में क्रिकेट सिर्फ मजाक नहीं था, बल्कि दोस्ताना रिश्तों का प्रतीक बनकर उभरा। इसके साथ ही बातचीत का एजेंडा बेहद गंभीर और रणनीतिक रहा। जयशंकर ने साफ कहा कि मौजूदा वैश्विक हालात में भारत और जापान के लिए मिलकर अपने सामरिक उद्देश्यों को पूरा करना और भी जरूरी हो गया है। उन्होंने यह भी दोहराया कि भारत, जापान के साथ अपने रिश्तों को प्राथमिकता देता है। यह बयान ऐसे समय में आया है, जब दुनिया यूक्रेन-रूस युद्ध, चीन की बढ़ती आक्रामकता और वैश्विक सप्लाई चेन संकट जैसी चुनौतियों से जूझ रही है।

रणनीतिक मंचों पर सहयोग बढ़ा

जयशंकर ने कहा कि बीते दो दशकों में भारत-जापान संबंध केवल आर्थिक साझेदारी से आगे बढ़कर व्यापक और रणनीतिक रिश्ते में बदल चुके हैं। उन्होंने बताया कि दोनों देश क्वाड, संयुक्त राष्ट्र, जी-4 समूह और जी-20 जैसे मंचों पर लगातार सहयोग कर रहे हैं। यह साझेदारी सुरक्षा, कूटनीति और वैश्विक शासन के क्षेत्रों में मजबूत होती जा रही है।

चौपारण थाना क्षेत्र में अवैध अफीम की खेती पर बड़ी कार्रवाई, लगभग 40 एकड़ में लगी फसल नष्ट

हजारीबाग: दिनांक 16 जनवरी 2026 को प्राप्त सूचना के आधार पर चौपारण थाना अंतर्गत ग्राम सिलोदर में वन विभाग एवं चौपारण पुलिस द्वारा संयुक्त अभियान चलाया गया। अभियान के दौरान लगभग 40 एकड़ में अवैध रूप से की जा रही अफीम की खेती को चिन्हित करते हुए मौके पर ही पूरी फसल को विनष्ट कर दिया गया।

अभियान के दौरान घटनास्थल से 3 डिलीवरी पाइप बरामद किए गए, जिन्हें वहीं नष्ट कर दिया गया। अवैध रूप से अफीम की खेती में संलिप्त व्यक्तियों के नाम-पता का सत्यापन किया जा रहा है। दोषियों की पहचान के बाद उनके विरुद्ध कानूनी कार्रवाई की जाएगी। मामले को लेकर अग्रतर कार्रवाई जारी है।

इस संयुक्त अभियान में बरही SDPO श्री अजित कुमार बिमल, बरही अंचल के पु0नि0 श्री चंद्रशेखर, चौपारण थाना प्रभारी सरोज सिंह चौधरी, SI सुबिन्दर राम, SI सरवन कुमार पासवान, ASI बदल महतो, सशस्त्र बल के जवान तथा बनपाल सरवन कुमार शामिल रहे।

पुलिस द्वारा बताया गया कि अवैध मादक पदार्थों की खेती एवं तस्करी के विरुद्ध आगे भी इसी तरह सख्त अभियान लगातार जारी रहेगा।

उल्लेखनीय है कि इससे पूर्व चौपारण थाना क्षेत्र में खेती से पहले जागरूकता अभियान चलाया गया था। इसी के आलोक में दिनांक 16 जनवरी 2026 को ग्राम अहरी में भी अफीम विनष्टीकरण अभियान चलाया गया, जहां यह पाया गया कि पूर्व में अफीम की खेती वाले स्थानों पर अब सरसों एवं मूंगफली की खेती की जा रही है।

हजारीबाग पुलिस की निरंतर जागरूकता और विनष्टीकरण अभियानों के फलस्वरूप अफीम की खेती पर प्रभावी अंकुश लगा है। आगे भी अफीम की अवैध खेती के विरुद्ध अभियान लगातार जारी रहेगा।

चेहरे पर जमे मैल को साफ करने का सबसे असरदार उपाय

सर्दियों के मौसम में त्वचा को सबसे ज्यादा नुकसान रूखापन और डेड स्किन से होता है। ठंडी हवा और कम नमी के कारण स्किन ड्राई हो जाती है, जिससे चेहरे पर धीरे-धीरे मृत त्वचा की एक परत जमने लगती है। जब इस पर धूल-मिट्टी और प्रदूषण चिपक जाता है, तो चेहरा मैला और बेजान नजर आने लगता है। ऐसे में अगर आप केमिकल वाले प्रोडक्ट्स से बचते हुए कोई आसान घरेलू उपाय अपनाना चाहते हैं, तो बेसन आपके लिए सबसे असरदार विकल्प हो सकता है।
चेहरे पर जमा मैल क्यों दिखने लगता है?
त्वचा की ऊपरी परत समय के साथ खुद को रिन्यू करती रहती है, लेकिन जब डेड स्किन समय पर साफ नहीं होती, तो वह चेहरे पर जमने लगती है। सर्दियों में पसीना कम निकलने के कारण यह परत आसानी से हट नहीं पाती। नतीजा यह होता है कि स्किन डल, रूखी और गंदी नजर आने लगती है।
चेहरे का मैल साफ करने का सबसे असरदार घरेलू उपाय
चेहरे की गहराई से सफाई के लिए हफ्ते में एक बार स्क्रबिंग बेहद जरूरी है। इसके लिए बेसन से बेहतर और सुरक्षित कोई उपाय नहीं माना जाता।
तरीका 1: बेसन और दूध का स्क्रब
2 चम्मच बेसन लें
जरूरत अनुसार कच्चा दूध मिलाकर गाढ़ा पेस्ट बनाएं
इसे चेहरे पर लगाकर 10 मिनट तक छोड़ दें
अब हल्के हाथों से गोल-गोल घुमाते हुए स्क्रब करें
अगर पेस्ट सूख जाए तो थोड़ा पानी लगाकर रगड़ें
नॉर्मल पानी से चेहरा धो लें
यह तरीका डेड स्किन, गंदगी और चेहरे पर जमे मैल को पूरी तरह साफ कर देता है और त्वचा में तुरंत निखार लाता है।
तरीका 2: ऑयली स्किन के लिए बेसन और दही
अगर आपकी स्किन ज्यादा तैलीय है, तो बेसन में दूध की जगह दही मिलाएं।
चेहरे पर लेप लगाएं
5 मिनट हल्के हाथों से स्क्रब करें
फिर पानी से धो लें
इसके बाद हल्का मॉइश्चराइजर जरूर लगाएं।
कितनी बार करें यह स्क्रब?
हफ्ते में 1 बार पर्याप्त है
महीने में 4 बार से ज्यादा न करें
ज्यादा रगड़ने से स्किन में जलन हो सकती है
चेहरे पर बेसन लगाने के फायदे
डेड स्किन और गहराई से जमी गंदगी साफ करता है
स्किन की रंगत निखारता है
अतिरिक्त तेल सोखकर मुंहासों को कम करता है
दाग-धब्बे हल्के करने में मदद करता है
धूप से हुई टैनिंग हटाता है
रोमछिद्रों को साफ कर स्किन को स्मूद बनाता है
त्वचा को मुलायम और चमकदार बनाता है
जरूरी सावधानी
अगर आपकी त्वचा बहुत संवेदनशील है, तो पहले पैच टेस्ट जरूर करें। ज्यादा जोर से स्क्रब न करें और स्क्रब के बाद सनस्क्रीन या मॉइश्चराइजर जरूर लगाएं।
माघ मेला में मकर संक्रांति के अवसर पर लाल बाबा ने किया प्रसाद वितरण

प्रयागराज। माघ मेला में मकर संक्रांति के अवसर पर मां वैष्णो देवी के कृपा पात्र श्री श्री 1008 लाल बाबा ने अमरावती जन कल्याण सेवा ट्रस्ट के बैनर तले वहां आए भक्तों को देसी घी से निर्मित प्रसाद का वितरण किया। अंतर्राष्ट्रीय ज्योतिषाचार्य के रूप में प्रसिद्ध लाल बाबा सेवा परमो धर्म: में विश्वास रखते हैं।

आध्यात्म के साथ-साथ सामाजिक क्षेत्र में भी सक्रिय रहने वाले लाल बाबा पूर्वांचल में एक बड़े संत के रूप में पहचाने जाते हैं। मुंगरा बादशाहपुर में उनका मठ है, जहां वे रहकर लोगों को अध्यात्म से जोड़ने का काम करते हैं।

NIA की बड़ी कार्रवाई: मगध जोन का कुख्यात नक्सली 'चंदन' मुंबई से गिरफ्तार, मज़दूर बनकर काट रहा था


राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने एक विशेष अभियान के तहत बिहार-झारखंड के सीमावर्ती क्षेत्रों में सक्रिय और लंबे समय से फरार चल रहे कुख्यात नक्सली चंदन कुमार को मुंबई से गिरफ्तार कर लिया है। एनआईए ने आधिकारिक तौर पर इस गिरफ्तारी की पुष्टि करते हुए बताया कि आरोपी 2021 से ही जांच एजेंसियों की आंखों में धूल झोंककर फरार चल रहा था।

कौन है चंदन कुमार?

मूल रूप से बिहार के जहानाबाद का रहने वाला चंदन कुमार प्रतिबंधित संगठन सीपीआई (माओइस्ट) का सक्रिय सदस्य है। वह विशेष रूप से मगध जोन में संगठन को दोबारा जीवित करने के लिए रचे गए 'मगध षड्यंत्र' (RC-05/2021/NIA/RNC) मामले में नामजद था। संगठन में उसकी पहचान एक 'फाइनेंशियल एक्सपर्ट' के तौर पर थी, जो लेवी वसूली और फंड मैनेजमेंट के जरिए माओवादियों की आर्थिक स्थिति को मजबूत करता था।

मज़दूर बनकर छिपा था मुंबई में

गिरफ्तारी से बचने के लिए चंदन ने अपनी पहचान छुपा ली थी और मुंबई में एक मज़दूर के रूप में काम कर रहा था। हालांकि, मज़दूर के भेष में रहकर भी वह ग्रामीण इलाकों में सक्रिय अपने ग्राउंड वर्कर्स (GWS) के संपर्क में था और उन्हें लेवी वसूली, हथियारों के निर्माण और नए कैडरों की भर्ती के लिए निर्देशित कर रहा था।

NIA की जांच में हुए खुलासे:

हथियारों का जखीरा: जांच में पता चला कि चंदन मगध जोनल कमेटी के माध्यम से हथियारों के संग्रह और वितरण का प्रमुख केंद्र था।

संगठन का विस्तार: आरोपी प्रद्युम्न शर्मा और सुनील भगत जैसे बड़े नक्सली नेताओं के साथ मिलकर मगध क्षेत्र में संगठन के विस्तार की योजना पर काम कर रहा था।

भगोड़ा घोषित: एनआईए की विशेष अदालत ने पहले ही उसे आईपीसी की विभिन्न धाराओं के तहत 'भगोड़ा' घोषित कर दिया था।

बाराबंकी टोल प्लाजा पर वकील से मारपीट के विरोध में कर्नलगंज बार एसोसिएशन का प्रदर्शन, राज्यपाल को भेजा ज्ञापन

कर्नलगंज, गोंडा। बाराबंकी टोल प्लाजा पर एक अधिवक्ता के साथ की गई मारपीट की घटना से आक्रोशित कर्नलगंज बार एसोसिएशन ने आज जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। अधिवक्ताओं ने राज्यपाल को संबोधित ज्ञापन उप जिलाधिकारी को सौंपकर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की।

ज्ञापन में बार एसोसिएशन ने मांग की है कि अधिवक्ता के साथ मारपीट करने वालों पर राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (एनएसए) के तहत कार्रवाई की जाए तथा संबंधित टोल प्लाजा का लाइसेंस तत्काल रद्द किया जाए। इसके साथ ही प्रदेश भर में अधिवक्ताओं की गाड़ियों को टोल फ्री किए जाने और अधिवक्ता सुरक्षा कानून को शीघ्र लागू करने की मांग उठाई गई।

बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने चेतावनी दी कि यदि उनकी मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं की गई तो आंदोलन को और व्यापक व उग्र रूप दिया जाएगा, जिसकी पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी। इस दौरान बड़ी संख्या में अधिवक्ता मौजूद रहे और एकजुट होकर न्याय व सुरक्षा की मांग उठाई।
मेडिकल कॉलेज में चूहों के वीडियो पर चिकित्सा अधीक्षक की अध्यक्षता में तीन सदस्यीय जांच कमेटी गठित
*48 घंटे में प्रधानाचार्य ने मांगी जांच रिपोर्ट

गोंडा।जिला मुख्यालय स्थित मेडिकल कॉलेज के आर्थो वार्ड में चूहों के आतंक का वीडियो वायरल होने के बाद अब कॉलेज प्रशासन ने कड़ा कदम उठाया है।मेडिकल कॉलेज के प्रधानाचार्य डाक्टर धनंजय श्रीकांत कोटास्थाने ने चिकित्सा अधीक्षक डाक्टर डीएन सिंह की अध्यक्षता में तीन सदस्यीय जांच कमेटी का गठन किया है।जांच कमेटी को 48 घंटे के अंदर विस्तृत रिपोर्ट तैयार कर प्रधानाचार्य, जिलाधिकारी व शासन को भेजने का निर्देश दिया गया है।वीडियो वायरल होने के बाद देश के कई राजनीतिक पार्टियों और नेताओं ने सोशल मीडिया पर उत्तर प्रदेश की स्वास्थ्य व्यवस्था,स्वास्थ्य मंत्री और गोंडा स्वास्थ्य विभाग पर सवाल उठाए थे।इस पर जिलाधिकारी और शासन द्वारा मेडिकल कॉलेज को फटकार लगाने के बाद अब जांच के आदेश दिए गए हैं।वहीं इस मामले में प्रधानाचार्य डाक्टर धनंजय श्रीकांत कोटास्थाने ने बताया कि सभी वार्डों में दवा का छिड़काव कराया गया है और चूहे अब गायब हो गये हैं।उन्होंने कहा कि जांच कमेटी की रिपोर्ट आने के बाद उनके स्तर से विस्तृत रिपोर्ट बनाकर जिलाधिकारी व शासन को भेजी जाएगी।रिपोर्ट में लापरवाही पाए जाने पर जिम्मेदारों के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी।प्रधानाचार्य ने कहा कि मरीजों की सुरक्षा हमारी जिम्मेदारी है।ठंड के मौसम में मरीजों के साथ तीमारदार अधिक खाने पीने की चीजें लेकर आते हैं और पुरानी बिल्डिंग होने के कारण चूहे अंदर प्रवेश कर जाते हैं।उन्होंने बताया कि इस समस्या को दूर करने के लिए बिल्डिंग को एक महीने में दूसरे भवन में शिफ्ट किया जाएगा,जिससे पूरी समस्या खत्म हो जाएगी।
महिला समूह में 1.15 करोड़ का घोटाला,तत्कालीन ब्लॉक मिशन मैनेजर सहित 12 महिलाओं पर मुकदमा दर्ज
गोंडा।जिले के आकांक्षी ब्लॉक रुपईडीह में स्वयं सहायता समूहों के संचालन में 1.15 करोड़ रुपए के सामुदायिक निवेश निधि घोटाले का मामला सामने आया है।पुलिस ने इस मामले में तत्कालीन ब्लॉक मिशन मैनेजर कुलदीप कुमार सहित समूह, ग्राम संगठन और संकुल संघ की 12 महिला पदाधिकारियों के खिलाफ चार अलग अलग मुकदमे दर्ज किए गए हैं।सभी मुकदमे खरगूपुर थाने में दर्ज किए गए हैं और जांच शुरू कर दी गई है।जांच में खुलासा हुआ है कि यह घोटाला वर्ष 2022 से ही चल रहा था।रुपईडीह ब्लॉक नीति आयोग की निगरानी में एक आकांक्षी ब्लॉक के रूप में कार्य कर रहा था।दिसंबर 2024 में मुख्य विकास अधिकारी अंकिता जैन के निर्देश पर पहला मुकदमा दर्ज किया गया था।इसके बाद ग्राम्य विकास आयुक्त के आदेश पर पूरे ब्लॉक की विस्तृत जांच कराई गई जो लगभग एक वर्ष तक चली।आरोपों की पुष्टि होने के बाद अब चार मामलों में मुकदमे दर्ज किए गए हैं।सहायक विकास अधिकारी (ग्राम्य विकास) विष्णु प्रजापति के अनुसार,महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से स्वयं सहायता समूह,ग्राम संगठन और संकुल संघ का गठन किया गया था।नियमानुसार प्रत्येक समूह को पहले 1.10 लाख और बाद में 1.50 लाख रुपए सामुदायिक निवेश निधि के रूप में दिए जाने थे।हालांकि तत्कालीन बीएमएम कुलदीप कुमार की मिली भगत से नियमों को ताक पर रखकर कहीं 13 लाख तो कहीं 42 लाख तक की रकम जारी करवा लिया गया।दर्ज किए गए चार अलग अलग मामलों में अवस्थी पेंट्स स्वयं सहायता समूह,फरेंदा शुक्ल में 21,21,531रुपए के गबन का आरोप है।इसमें अध्यक्ष सावित्री देवी, सचिव रंजना तिवारी,कोषाध्यक्ष जोखना देवी और बीएमएम कुलदीप कुमार नामजद हैं।वहीं भारतीय महिला संकुल प्रेरणा संघ में 13,20,000 रुपए की हेराफेरी के आरोप में अध्यक्ष अर्चना, सचिव राजरानी और कोषाध्यक्ष अंक कुमारी पर मुकदमा दर्ज हुआ है।इसके अतिरिक्त महिला शक्ति ग्राम संगठन पचरन में 38,85,960 रुपए के गबन के मामले में अध्यक्ष अर्चना, सचिव नन्की,कोषाध्यक्ष कामू और बीएमएम कुलदीप कुमार को आरोपी बनाया गया है।राधा महिला ग्राम संगठन खरगूपुर डिंगुर में 42,61,900 रुपए की हेराफेरी के आरोप में अध्यक्ष अंक कुमारी,सचिव काजल तिवारी,कोषाध्यक्ष कांति देवी और बीएमएम कुलदीप कुमार के खिलाफ भी मुकदमा दर्ज किया गया है।
कीचड़ से परेशान ग्रामीण, शिकायतों के बाद भी नहीं हुआ समाधान
बहसूमा/ मेरठ।क्षेत्र के एक गांव में मकान के सामने से गुजरने वाले रास्ते पर लगातार कीचड़ रहने से ग्रामीणों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस संबंध में मनोज पुत्र विजयपाल ने बताया कि उनके मकान के सामने से जाने वाला रास्ता लंबे समय से कीचड़ से भरा हुआ है, जिससे आवागमन करना दूभर हो गया है। बरसात या पानी गिरते ही रास्ता दलदल में तब्दील हो जाता है और बच्चों, बुजुर्गों व महिलाओं को खासा दिक्कतों का सामना करना पड़ता है।

मनोज ने आरोप लगाया कि इस समस्या को लेकर कई बार संबंधित सचिव सचिन को अवगत कराया गया। उनसे बार-बार आग्रह किया गया कि रास्ते पर ईंटों का खड़ंजा लगवा दिया जाए, ताकि लोगों को राहत मिल सके। लेकिन हर बार सचिव द्वारा केवल “कल करवा देंगे” या “प्रस्ताव भेज दिया है” जैसे आश्वासन ही दिए जाते रहे। महीनों बीत जाने के बावजूद आज तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो पाई है।

ग्रामीणों का कहना है कि सचिव आए दिन इसी तरह टालमटोल करते रहते हैं, जिससे समस्या जस की तस बनी हुई है। रास्ते में कीचड़ होने के कारण  कपड़े खराब हो जाते हैं, दोपहिया वाहन फिसलने का खतरा बना रहता है और पैदल चलना भी मुश्किल हो गया है।

इस मामले को लेकर ग्रामीणों में भारी रोष व्याप्त है। लोगों ने मांग की है कि जल्द से जल्द रास्ते पर ईंटों का खड़ंजा या पक्का निर्माण कराया जाए, ताकि वर्षों से चली आ रही इस समस्या से निजात मिल सके। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र समाधान नहीं हुआ तो वे उच्च अधिकारियों से शिकायत करने को मजबूर होंगे। ग्राम सचिव सुरजीत सिंह ने बताया कि इसका एस्टीमेट हो गया है और एक-दो दिन से काम चालू हो जाएगा किसनो की परेशानी समाप्त की जाएगी
उत्तर भारत में हाड़ कंपाती सर्दी, 6 राज्यों में बारिश का अलर्ट, अभी राहत के आसार नहीं

#imdweatheralertnorthindiafreezingcoldheavyfog_rain

पहाड़ों से लेकर मैदान तक, इन दिनों हाड़ कंपा देने वाली सर्दी पड़ रही है। शरीर पर कपड़ों की मोटी लेयर के बाद भी कंपकंपी रुकने का नाम नहीं ले रही है। दिल्ली से लेकर यूपी, बिहार तक, हर जगह ठंड का सितम देखने को मिल रहा है। फिलहाल इससे राहत मिलने के आसार नहीं हैं।

मौसम विभाग ने अगले चार-पांच दिनों तक पहाड़ों पर बारिश होने का अलर्ट जारी किया है। इस दौरान कुछ जगह बर्फबारी भी होने का अनुमान है। मैदानी इलाकों में भी बारिश-बूंदाबांदी होने से कई राज्यों में शीतलहर की स्थिति रहेगी। वहीं, एक सप्ताह तक उत्तर और पूर्व के कई राज्यों में घने से बेहद घना कोहरा मुश्किल बढ़ाएगा।

शीतलहर से लेकर गंभीर शीतलहर की चेतावनी

भारत मौसम विज्ञान विभाग ने उत्तर भारत के कई राज्यों में शीतलहर से लेकर गंभीर शीतलहर की चेतावनी जारी की है। विभाग के अनुसार, अगले 2–3 दिनों तक हिमाचल प्रदेश, पंजाब, हरियाणा, दिल्ली, राजस्थान, झारखंड और ओडिशा में ठंड का प्रकोप बना रहेगा, जबकि उसके बाद इसमें धीरे-धीरे कमी आने की संभावना है।

5-6 दिनों तक घने कोहरे की संभावना

मौसम विभाग के अनुसार, अगले 5-6 दिनों के दौरान उत्तर-पश्चिम भारत और बिहार में घना से बहुत घना कोहरा छाए रहने की संभावना है। जबकि पश्चिमी उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड में शीतदिवस की अगले दो दिनों तक स्थिति बनी रह सकती है।

बारिश और बर्फबारी की संभावना

मौसम विभाग के मुताबिक 16 से 21 जनवरी के बीच जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड में हल्की से मध्यम बारिश और बर्फबारी की संभावना है। इसके साथ ही 18–20 जनवरी के दौरान पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, पूर्वी राजस्थान और पश्चिमी उत्तर प्रदेश में भी छिटपुट बारिश हो सकती है।

कैसा रहेगा दिल्ली का मौसम?

इधर, दिल्ली में सर्दी ने पिछले तीन सालों का रिकॉर्ड तोड़ दिया है। गुरुवार को 2.3 डिग्री के टेंपरेचर के साथ कोहरे ने खूब परेशान किया। 16 जनवरी को भी शीतलहर की स्थिति बनी रहेगी। राजधानी के कुछ हिस्सों में हल्का से मध्यम स्तर का घना कोहरा रहेगा। वहीं 17 से 21 जनवरी तक आसमान में बादल छाए रहेंगे। सुबह के वक्त थोड़ा कोहरा भी देखने को मिलेगा। इस दौरान न्यूनतम तापमान 5 से बढ़कर 9 डिग्री पहुंच सकता है। जबकि अधिकतम तापमान 22 से 25 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने की संभावना है, जिससे थोड़ी राहत मिल सकती है।