नवविवाहिता का संदिग्ध परिस्थितियों में गन्ने में मिला शव, मचा हड़कंप
हत्या की आशंका,डॉग स्क्वायड और फोरेंसिक टीम मौके पर

गोंडा। नवाबगंज थाना क्षेत्र में गुरुवार को एक नवविवाहिता का शव गन्ने के खेत में मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई मृतका की पहचान 20 वर्षीय पूजा, निवासी मैनपुर के रूप में हुई है। उसका शव मायके से करीब डेढ़ किलोमीटर दूर रामापुर गांव के पास गन्ने के खेत में पड़ा मिला। घटना की सूचना मिलते ही नवाबगंज पुलिस के साथ क्षेत्राधिकारी तरबगंज मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पंचनामा भरने के बाद पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।

प्रारंभिक जांच में मृतका के गले पर कसाव के निशान पाए गए हैं, जिससे गला दबाकर हत्या किए जाने की आशंका जताई जा रही है। परिजनों के अनुसार पूजा की शादी 9 नवंबर को कुंजालपुर गांव निवासी सुभाष के साथ हुई थी। वह 14 जनवरी (मकर संक्रांति) के मौके पर मायके आई थी। परिजनों ने बताया कि वह बुधवार सुबह करीब 10 बजे से लापता थी, जिसकी तलाश की जा रही थी। क्षेत्राधिकारी तरबगंज उमेश प्रताप सिंह ने बताया कि मामले में मृतका के पति और उसके परिजनों से पूछताछ की जा रही है। पति की तहरीर पर अज्ञात लोगों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। घटना के खुलासे के लिए डॉग स्क्वायड और फोरेंसिक टीम को भी मौके पर बुलाया गया है।

पुलिस मृतका के मोबाइल फोन की कॉल डिटेल्स की भी जांच कर रही है। बताया जा रहा है कि मृतका के पति शिव जन्म वर्तमान में गोवा में हैं और सूचना मिलते ही गोंडा के लिए रवाना हो चुके हैं। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के बाद ही घटना के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा।
जिलाधिकारी ने मेडिकल कॉलेज के नई बिल्डिंग का किया औचक निरीक्षण, अधिकारियों को दिये आवश्यक नि र्देश
जिला अस्पताल की समस्त ओपीडी को मेडिकल कॉलेज की नई बिल्डिंग में 15 दिवस के भीतर संचालित करने के दिये निर्देश जिलाधिकारी


मेडिकल कॉलेज में आने वाले मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधा मुहैया कराने के निर्देश- जिलाधिकारी

गोण्डा। 16 जनवरी,2026
जिलाधिकारी गोण्डा  प्रियंका निरंजन द्वारा मेडिकल कॉलेज की नई बिल्डिंग का व्यापक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने मेडिकल कॉलेज की नई इमारत के प्रथम तल, द्वितीय तल, तृतीय तल तथा पंचम तल का गहन अवलोकन किया और वहां उपलब्ध एवं प्रस्तावित स्वास्थ्य सुविधाओं की स्थिति का जायजा लिया।
निरीक्षण के अवसर पर जिलाधिकारी ने प्रिंसिपल मेडिकल कॉलेज, मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) तथा मुख्य चिकित्सा अधीक्षक (सीएमएस) जिला अस्पताल को स्पष्ट निर्देश दिये कि जिला अस्पताल की समस्त ओपीडी सेवाओं को आगामी 15 दिवस के भीतर मेडिकल कॉलेज की नई बिल्डिंग में अनिवार्य रूप से संचालित किया जाए। उन्होंने कहा कि ओपीडी के स्थानांतरण से मरीजों को एक ही परिसर में बेहतर, आधुनिक एवं सुव्यवस्थित स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध हो सकेंगी, जिससे उपचार की गुणवत्ता में और अधिक सुधार होगा।

जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि नई बिल्डिंग में ओपीडी संचालन से पूर्व सभी आवश्यक व्यवस्थाएं पूर्ण कर ली जाएं। इसमें साफ-सफाई, सुरक्षा व्यवस्था, पेयजल, विद्युत आपूर्ति, मरीजों के बैठने की समुचित व्यवस्था, संकेतक बोर्ड, पंजीकरण काउंटर, दवा वितरण कक्ष एवं चिकित्सकीय उपकरणों की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए। उन्होंने यह भी कहा कि मरीजों की सुविधा सर्वोपरि है, अतः किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।

निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने स्पष्ट शब्दों में निर्देश दिया कि मेडिकल कॉलेज में आने वाले मरीजों को स्वास्थ्य सुविधाओं से संबंधित किसी भी प्रकार की समस्या नहीं होनी चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को यह भी सुनिश्चित करने के लिए कहा कि चिकित्सक, पैरामेडिकल स्टाफ एवं अन्य कर्मचारी समय से उपस्थित रहें और मरीजों के साथ संवेदनशील एवं सहयोगात्मक व्यवहार करें।

जिलाधिकारी  प्रियंका निरंजन ने कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप जनपद के नागरिकों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। मेडिकल कॉलेज की नई बिल्डिंग में ओपीडी संचालन से न केवल मरीजों को उन्नत सुविधाएं मिलेंगी, बल्कि जिला अस्पताल पर भी दबाव कम होगा। उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए निर्धारित समयसीमा के भीतर सभी व्यवस्थाएं पूर्ण करने के निर्देश दिए।

निरीक्षण के दौरान जिला विकास अधिकारी सुशील कुमार श्रीवास्तव, प्रिंसिपल मेडिकल कॉलेज, मुख्य चिकित्सा अधिकारीडॉक्टर संत लाल पटेल, सीएमएस जिला अस्पताल डॉक्टर अनिल तिवारी, डॉक्टर कुलदीप पाण्डेय, डॉक्टर डीएन सिंह सहित सभी अन्य संबंधित आधिकारिक उपस्थित रहे।
प्रधानमंत्री के विजन और मुख्यमंत्री के कुशल नेतृत्व की विजय : आचार्य पवन त्रिपाठी
मुंबई। मुंबई महानगरपालिका चुनाव में महायुति को मिली प्रचंड विजय पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए मुंबई भाजपा के महामंत्री तथा श्री सिद्धिविनायक मंदिर न्यास के कोषाध्यक्ष आचार्य पवन त्रिपाठी ने कहा कि यह ऐतिहासिक विजय, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के दूरदर्शी विजन और महाराष्ट्र के लोकप्रिय मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के कुशल नेतृत्व की विजय है। उन्होंने कहा कि मुंबई के मतदाताओं ने विकास और स्वर्णिम भविष्य को प्राथमिकता देते हुए महायुति के पक्ष में संगठित होकर मतदान किया। उन्होंने कहा कि भाजपा मुंबई अध्यक्ष एडवोकेट अमित साटम ने जिस तरह से कार्यकर्ताओं का हौसला बढ़ाया और जनता के बीच हमेशा खड़े रहे, उसके चलते महायुति के प्रति लोगों में विश्वास बढ़ा। आचार्य त्रिपाठी ने कहा कि यह पार्टी के प्रति समर्पित निस्वार्थ कार्यकर्ताओं की महा विजय है। विकास और विश्वास के प्रति समर्पित भाजपा का विजय रथ निरंतर आगे बढ़ता रहेगा।
तीन सूत्री मांगों को लेकर राज्यसभा सांसद संजय सिंह को श्रवण आर्मी ने दिया पत्र किया सदन में उठाने की बात

मीरजापुर। शुक्रवार 16 जनवरी को तीन सूत्री मांगों को लेकर सवर्ण आर्मी संगठन के जिला संयोजक सुशील पाण्डेय, जिलाध्यक्ष मुकेश पाण्डेय के नेतृत्व में सवर्ण आर्मी टीम के साथ अपनी मांगों को लेकर आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद संजय सिंह से मुलाकात कर ज्ञापन देकर अपनी मांग को रखा।

इस दौरान जिलाध्यक्ष मुकेश पांडे ने कहा कि आज हम अपनी मांगों को लेकर आपसे मुलाकात कर रहे हैं, क्योंकि आप भी सवर्ण समाज से हैं और हमारी जो सामाजिक पीड़ा है उससे कहीं-कहीं आप भी प्रेरित हैं। हमारी इन मांगों को सदन में उठाने का काम करें जिससे हमारी सामाजिक लड़ाई संपन्न हो सके। संगठन ने मांगें दुहराते हुए आयोग का गठन हो, एससी एसटी काला कानून खत्म हो, आरक्षण आर्थिक आधार पर लागू हो प्रमुख रही है।

ज्ञापन देने वालों में संगठन के जिला संयोजक सुशील पाण्डेय, जिलाध्यक्ष मुकेश पाण्डेय, चंचल मिश्रा, महेश सिंह, सीमा सिंह, कृष्ण कुमार सिंह, गुड्डू सिंह, छोटू, देवेंद्र तिवारी, आलोक दुबे, स्वतंत्र पाण्डेय, संजय पाण्डेय, आशुतोष शुक्ला, लक्ष्मण पाण्डेय,  अनुराग पाण्डेय इत्यादि मौजूद रहे हैं।
ED को बड़ी राहत: झारखंड हाईकोर्ट ने रांची पुलिस की जांच पर लगाई रोक, एयरपोर्ट थाने में दर्ज FIR पर अगली सुनवाई तक स्टे।

रांची: झारखंड हाईकोर्ट ने गुरुवार को प्रवर्तन निदेशालय (ED) की क्रिमिनल रिट याचिका पर सुनवाई करते हुए रांची पुलिस द्वारा केंद्रीय एजेंसी के अधिकारियों के खिलाफ की जा रही जांच पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी है। न्यायमूर्ति संजय कुमार द्विवेदी की खंडपीठ ने यह आदेश जारी करते हुए राज्य सरकार और निजी प्रतिवादी संतोष कुमार से जवाब तलब किया है।

हाईकोर्ट के कड़े निर्देश:

जांच पर रोक: एयरपोर्ट थाने में ईडी अधिकारियों के खिलाफ दर्ज प्राथमिकी के आधार पर रांची पुलिस अब कोई कार्रवाई नहीं कर सकेगी।

सुरक्षा का नया घेरा: कोर्ट ने निर्देश दिया है कि ईडी के रांची कार्यालय की सुरक्षा अब CISF या CRPF संभालेगी। साथ ही रांची एसएसपी को सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी का जिम्मा दिया गया है।

पक्षकार: अदालत ने केंद्रीय गृह सचिव और शिकायतकर्ता संतोष कुमार को इस मामले में प्रतिवादी (पार्टी) बनाया है।

जवाब दाखिल करने का समय: राज्य सरकार को 7 दिन और संतोष कुमार को 10 दिनों के भीतर अपना पक्ष रखने का निर्देश दिया गया है।

मामले की पृष्ठभूमि:

विवाद पेयजल विभाग में कथित गड़बड़ी की जांच से शुरू हुआ। मामले का आरोपी संतोष कुमार बिना किसी समन के स्वयं ईडी कार्यालय पहुंचा और बाद में ईडी अधिकारियों पर पूछताछ के दौरान मारपीट का आरोप लगाते हुए एयरपोर्ट थाने में प्राथमिकी दर्ज करा दी।

ईडी का तर्क: गुरुवार को जब रांची पुलिस जांच के लिए ईडी दफ्तर पहुंची, तो एजेंसी ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया। ईडी का तर्क है कि यह प्राथमिकी उनकी स्वायत्त जांच को बाधित करने और अधिकारियों को डराने की एक साजिश है। ईडी ने इस पूरे प्रकरण की जांच CBI से कराने की मांग की है, जिस पर अदालत ने विचार करने के संकेत दिए हैं।

शक्ति के देवता बजरंगबली की तस्वीर भेंटकर कृपाशंकर ने दी मुख्यमंत्री को बधाई

मुंबई। मुंबई महानगरपालिका चुनाव में महायुति को मिली ऐतिहासिक जीत के बाद महाराष्ट्र के पूर्व गृह राज्य मंत्री तथा लोकप्रिय उत्तर भारतीय नेता कृपाशंकर सिंह ने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से मुलाकात कर, उन्हें शक्ति के देवता बजरंगबली की तस्वीर भेंटकर हार्दिक बधाई दी।

कृपाशंकर ने कहा कि यह प्रचंड जनादेश, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की दूरदर्शितापूर्ण विजन, मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के सुशासन , विकास और मजबूत नेतृत्व में जनता के अटूट विश्वास का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि उत्तर भारतीय एक परिश्रमी कौम है, जो अपनी कड़ी मेहनत, ईमानदारी और सहयोग देने की प्रवृत्ति पर विश्वास रखती है। महाराष्ट्र के उत्तर भारतीय समाज ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस द्वारा किए गए विकास कार्यों पर पूरा भरोसा जताते हुए न सिर्फ मुंबई महानगरपालिका में अपितु मीरा भायंदर, ठाणे, नवी मुंबई,पालघर समेत अन्य महानगरपालिकाओं में भी भाजपा के पक्ष में संगठित रूप से मतदान किया। इस अवसर पर मुंबई युवा मोर्चा के उपाध्यक्ष शिवम सिंह भी उपस्थित रहे। मुख्यमंत्री ने भी प्रचंड विजय के लिए मतदाताओं का आभार मानते हुए कहा कि महाराष्ट्र की महायुति सरकार सबका साथ सबका विकास और सबका विश्वास के लिए संकल्पित है।
"स्थानीय शिल्प, वैश्विक पहचान विधायक गणेश चौहान

रमेश दूबे 

संत कबीर नगर।मंगलम मैरेज हॉल खलीलाबाद संत कबीर नगर में उत्तर प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी 'एक जनपद-एक उत्पाद' (ODOP) 10 दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का विधिवत उद्घाटन किया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में डबल इंजन की भाजपा सरकार स्थानीय कारीगरों, बुनकरों और उद्यमियों को अंतरराष्ट्रीय मंच प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है।

यह पहल न केवल हमारी पारंपरिक कला को जीवित रखेगी, बल्कि युवाओं के लिए रोजगार के नए द्वार भी खोलेगी। वहां पर प्रशिक्षण के लिए बना रहे भोजन के गुणवत्ता की भी जांच की गई इस अवसर पर सुदर्शन चौहान ,परमजीत चौहान विरेंद्र चौहान दिलीप गुप्ता संजय चंद्रा निहाल प्रिंस सिंह नीलेश पांडे जिला समन्यवक यूपीकॉन ओम प्रकाश वर्मा, राजकुमार शर्मा ,उपायुक्त उद्योग,पंकज कुमार पांडेय ,सहायक प्रबंधक ,विशाल श्रीवास्तव ,उद्यमी मित्र,जितेंद्र कुमार ,कनिष्ठ सहायक एवं लगभग 200 प्रशिक्षु उपस्थित रहे।

रोज अदरक पानी पीना सही है या नहीं? वजन घटाने से पहले जान लें इसके फायदे
आज की भागदौड़ भरी ज़िंदगी में लोग तेजी से वजन घटाने और फिट रहने के आसान तरीकों की तलाश में रहते हैं। ऐसे में अदरक पानी एक ऐसा देसी नुस्खा बनकर उभरा है, जिसे लोग बिना ज्यादा सोचे-समझे रोज़ाना पीने लगे हैं। लेकिन सवाल यह है कि क्या रोज अदरक पानी पीना वाकई फायदेमंद है या इसका जरूरत से ज्यादा सेवन नुकसान भी पहुंचा सकता है? अदरक पानी क्यों माना जाता है असरदार?अदरक में मौजूद जिंजरॉल और शोगाओल जैसे तत्व शरीर के मेटाबॉलिज़्म को तेज करते हैं। इससे पाचन बेहतर होता है और शरीर में जमा अतिरिक्त चर्बी धीरे-धीरे कम होने लगती है। अदरक पानी शरीर को अंदर से गर्म रखता है, जिससे सर्दियों में इम्युनिटी भी मजबूत होती है। अदरक पानी पीने का सही समयअदरक पानी पीने का सबसे अच्छा समय सुबह खाली पेट माना जाता है। इससे शरीर का डाइजेस्टिव सिस्टम एक्टिव होता है और दिनभर कैलोरी बर्न करने की क्षमता बढ़ती है। कुछ लोग इसे रात में भी पीते हैं, लेकिन रात में अदरक पानी पीने से कुछ लोगों को एसिडिटी या बेचैनी हो सकती है। अदरक पानी के प्रमुख फायदेअदरक पानी पाचन तंत्र को मजबूत करता है और गैस, अपच, कब्ज जैसी समस्याओं में राहत देता है। यह शरीर को डिटॉक्स करता है और टॉक्सिन्स बाहर निकालने में मदद करता है।
वजन घटाने के साथ-साथ अदरक पानी जोड़ों के दर्द और सूजन में भी राहत देता है। सर्दी-खांसी, गले में खराश और वायरल इंफेक्शन से बचाव में भी यह कारगर है। नियमित सेवन से ब्लड सर्कुलेशन बेहतर होता है और शरीर में आलस्य कम महसूस होता है। कितने दिन तक पीना चाहिए अदरक पानी?अदरक पानी को लगातार लंबे समय तक पीना सही नहीं माना जाता। अगर आप सामान्य स्वास्थ्य के लिए इसका सेवन कर रहे हैं, तो 15 से 20 दिन पर्याप्त हैं।
वजन घटाने के उद्देश्य से इसे 3 से 4 हफ्ते तक पिया जा सकता है। इसके बाद कम से कम एक हफ्ते का ब्रेक लेना जरूरी है, ताकि शरीर में अत्यधिक गर्मी न बढ़े।अदरक पानी के नुकसान भी जानना जरूरीअदरक की तासीर गर्म होती है। जरूरत से ज्यादा सेवन करने पर पेट में जलन, एसिडिटी, मुंह में छाले या नींद की समस्या हो सकती है। जिन लोगों को पेट से जुड़ी गंभीर समस्या, हाई ब्लड प्रेशर या गर्भावस्था है, उन्हें अदरक पानी पीने से पहले डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए।अदरक पानी सेहत के लिए फायदेमंद जरूर है, लेकिन इसे चमत्कारी उपाय मानकर जरूरत से ज्यादा पीना सही नहीं है। सही मात्रा, सही समय और सीमित अवधि तक सेवन करने से ही इसका पूरा लाभ मिलता है।
केएल इंटर कॉलेज करनैलगंज का खेल मैदान बना कूड़ा डंपिंग ग्राउंड, जिम्मेदार मौन
ईदगाह-कब्रिस्तान के पास खुलेआम गंदगी और गौवंशों का जमावड़ा

नगर पालिका की खुली मनमानी,करनैलगंज प्रशासन की चुप्पी पर उठे गंभीर सवाल

गोंडा(करनैलगंज)। तहसील मुख्यालय स्थित करनैलगंज कस्बे में हुजूरपुर रोड स्थित कन्हैयालाल इंटर कॉलेज के क्रीड़ा स्थल और उसके बगल ईदगाह कब्रिस्तान के पास फैली भारी गंदगी और कूड़े कचरे का ढेर अब महज लापरवाही नहीं, बल्कि सुनियोजित कूड़ा डंपिंग का नतीजा बन चुकी है। स्थानीय लोगों के अनुसार यहां नगर पालिका अध्यक्ष और अधिशासी अधिकारी के निर्देश पर कस्बे के विभिन्न मोहल्लों से प्रतिदिन बड़े पैमाने पर कूड़ा-कचरा और गंदगी लाकर यहां डंप कराई जा रही है। खेल मैदान,जहां बच्चों को स्वस्थ वातावरण मिलना चाहिए, आज कचरा डंपिंग जोन बन चुका है। सड़ा-गला कूड़ा, प्लास्टिक और खुले में फेंका गया अपशिष्ट न सिर्फ भीषण दुर्गंध फैला रहा है, बल्कि संक्रामक बीमारियों के फैलने का गंभीर खतरा भी पैदा कर रहा है। बेसहारा गौवंश कूड़े में मुंह मारते दिखाई दे रहे हैं,जिससे सड़क दुर्घटनाओं और पशुओं की मौत की आशंका भी बढ़ गई है। धुंध और गंदगी के बीच सड़क किनारे खड़े पशु न सिर्फ यातायात के लिए खतरा हैं, बल्कि यह दृश्य स्वच्छता अभियान और गौ-संरक्षण के दावों की पोल खुल रही है। स्वच्छ भारत मिशन, स्मार्ट सिटी और गौ-संरक्षण जैसे सरकारी दावे यहां कागज़ों में सिमटे नजर आते हैं,जबकि हकीकत में एक खेल मैदान को कूड़ा डंपिंग जोन में तब्दील कर दिया गया है।

ईदगाह और कब्रिस्तान जैसे संवेदनशील स्थल के सामने इस तरह की गंदगी सामाजिक और धार्मिक भावनाओं के साथ भी खुला खिलवाड़ है। नगर पालिका, पशुपालन विभाग, शिक्षा विभाग और स्थानीय प्रशासन—सबकी जिम्मेदारी तय होने के बावजूद कोई कार्रवाई क्यों नहीं? स्थानीय लोगों का कहना है कि कई बार शिकायतों के बाद भी न कूड़ा डंपिंग बंद होता है, न गौवंशों के उचित संरक्षण की व्यवस्था होती है,और न ही मैदान की साफ-सफाई। नतीजा बीमारियों का खतरा बढ़ता जा रहा है। यह तस्वीरें सिर्फ गंदगी नहीं दिखातीं बल्कि प्रशासनिक उदासीनता,जवाबदेही के अभाव और सरकारी दावों की खोखलाहट को बेनकाब करती हैं।

चौंकाने वाली बात यह है कि यह सब दिन-दहाड़े, रोजाना हो रहा है, इसके बावजूद स्थानीय प्रशासनिक अधिकारियों की नजर नहीं पड़ना कई सवाल खड़े करता है। क्या यह अनदेखी महज संयोग है या फिर जानबूझकर आंख मूंद ली गई है? आखिर कब तक प्रशासन इस गंभीर जनस्वास्थ्य संकट पर चुप्पी साधे रहेगा? क्या कर्नलगंज में खेल मैदान सिर्फ नाम के हैं? क्या स्वच्छता और गौ-संरक्षण केवल फाइलों तक सीमित रहेंगे? और आखिर कब होगी जिम्मेदार अफसरों पर कार्रवाई।
NH-522 पर बड़ी कार्रवाई: डस्टर कार से 48.1 किलो गांजा बरामद, एक तस्कर गिरफ्तार

हजारीबाग जिला में नशीले पदार्थों की अवैध तस्करी के खिलाफ पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। 16 जनवरी 2026 को मिली गुप्त सूचना के आधार पर NH-522 सिवाने पुल के पास कार्रवाई करते हुए पुलिस ने सफेद रंग की डस्टर कार संख्या WB-74AA-6328 से 13 पैकेट में कुल 48.1 किलोग्राम गांजा बरामद किया। सूचना के सत्यापन के बाद बिष्णुगढ़ अनुमंडल के नेतृत्व में टीम गठित की गई। कार्रवाई के दौरान वाहन सड़क किनारे खड़ा मिला, पुलिस को देखते ही एक व्यक्ति वाहन छोड़कर भागने लगा, जिसे दौड़ाकर पकड़ लिया गया। पूछताछ में उसने अपना नाम चंदन कुमार, पिता तेजनारायण सिंह, ग्राम नामकुम देवी मंडप रोड, थाना नामकुम, जिला रांची बताया। वाहन की तलाशी लेने पर अंदर छिपाकर रखा गया गांजा बरामद किया गया। कड़ाई से पूछताछ में आरोपी ने गांजा तस्करी में संलिप्त होने की बात स्वीकार की। इस मामले में विधिसम्मत कार्रवाई करते हुए आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेजा जा रहा है। पुलिस ने मौके से डस्टर वाहन और एक मोबाइल फोन भी जब्त किया है। हजारीबाग पुलिस द्वारा अवैध अफीम, डोडा और गांजा के खिलाफ अभियान लगातार जारी है और आगे भी सख्त कार्रवाई की जाएगी।

नवविवाहिता का संदिग्ध परिस्थितियों में गन्ने में मिला शव, मचा हड़कंप
हत्या की आशंका,डॉग स्क्वायड और फोरेंसिक टीम मौके पर

गोंडा। नवाबगंज थाना क्षेत्र में गुरुवार को एक नवविवाहिता का शव गन्ने के खेत में मिलने से इलाके में सनसनी फैल गई मृतका की पहचान 20 वर्षीय पूजा, निवासी मैनपुर के रूप में हुई है। उसका शव मायके से करीब डेढ़ किलोमीटर दूर रामापुर गांव के पास गन्ने के खेत में पड़ा मिला। घटना की सूचना मिलते ही नवाबगंज पुलिस के साथ क्षेत्राधिकारी तरबगंज मौके पर पहुंचे। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पंचनामा भरने के बाद पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।

प्रारंभिक जांच में मृतका के गले पर कसाव के निशान पाए गए हैं, जिससे गला दबाकर हत्या किए जाने की आशंका जताई जा रही है। परिजनों के अनुसार पूजा की शादी 9 नवंबर को कुंजालपुर गांव निवासी सुभाष के साथ हुई थी। वह 14 जनवरी (मकर संक्रांति) के मौके पर मायके आई थी। परिजनों ने बताया कि वह बुधवार सुबह करीब 10 बजे से लापता थी, जिसकी तलाश की जा रही थी। क्षेत्राधिकारी तरबगंज उमेश प्रताप सिंह ने बताया कि मामले में मृतका के पति और उसके परिजनों से पूछताछ की जा रही है। पति की तहरीर पर अज्ञात लोगों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। घटना के खुलासे के लिए डॉग स्क्वायड और फोरेंसिक टीम को भी मौके पर बुलाया गया है।

पुलिस मृतका के मोबाइल फोन की कॉल डिटेल्स की भी जांच कर रही है। बताया जा रहा है कि मृतका के पति शिव जन्म वर्तमान में गोवा में हैं और सूचना मिलते ही गोंडा के लिए रवाना हो चुके हैं। पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के बाद ही घटना के वास्तविक कारणों का खुलासा हो सकेगा।
जिलाधिकारी ने मेडिकल कॉलेज के नई बिल्डिंग का किया औचक निरीक्षण, अधिकारियों को दिये आवश्यक नि र्देश
जिला अस्पताल की समस्त ओपीडी को मेडिकल कॉलेज की नई बिल्डिंग में 15 दिवस के भीतर संचालित करने के दिये निर्देश जिलाधिकारी


मेडिकल कॉलेज में आने वाले मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधा मुहैया कराने के निर्देश- जिलाधिकारी

गोण्डा। 16 जनवरी,2026
जिलाधिकारी गोण्डा  प्रियंका निरंजन द्वारा मेडिकल कॉलेज की नई बिल्डिंग का व्यापक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने मेडिकल कॉलेज की नई इमारत के प्रथम तल, द्वितीय तल, तृतीय तल तथा पंचम तल का गहन अवलोकन किया और वहां उपलब्ध एवं प्रस्तावित स्वास्थ्य सुविधाओं की स्थिति का जायजा लिया।
निरीक्षण के अवसर पर जिलाधिकारी ने प्रिंसिपल मेडिकल कॉलेज, मुख्य चिकित्सा अधिकारी (सीएमओ) तथा मुख्य चिकित्सा अधीक्षक (सीएमएस) जिला अस्पताल को स्पष्ट निर्देश दिये कि जिला अस्पताल की समस्त ओपीडी सेवाओं को आगामी 15 दिवस के भीतर मेडिकल कॉलेज की नई बिल्डिंग में अनिवार्य रूप से संचालित किया जाए। उन्होंने कहा कि ओपीडी के स्थानांतरण से मरीजों को एक ही परिसर में बेहतर, आधुनिक एवं सुव्यवस्थित स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध हो सकेंगी, जिससे उपचार की गुणवत्ता में और अधिक सुधार होगा।

जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित करते हुए कहा कि नई बिल्डिंग में ओपीडी संचालन से पूर्व सभी आवश्यक व्यवस्थाएं पूर्ण कर ली जाएं। इसमें साफ-सफाई, सुरक्षा व्यवस्था, पेयजल, विद्युत आपूर्ति, मरीजों के बैठने की समुचित व्यवस्था, संकेतक बोर्ड, पंजीकरण काउंटर, दवा वितरण कक्ष एवं चिकित्सकीय उपकरणों की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए। उन्होंने यह भी कहा कि मरीजों की सुविधा सर्वोपरि है, अतः किसी भी स्तर पर लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।

निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने स्पष्ट शब्दों में निर्देश दिया कि मेडिकल कॉलेज में आने वाले मरीजों को स्वास्थ्य सुविधाओं से संबंधित किसी भी प्रकार की समस्या नहीं होनी चाहिए। उन्होंने अधिकारियों को यह भी सुनिश्चित करने के लिए कहा कि चिकित्सक, पैरामेडिकल स्टाफ एवं अन्य कर्मचारी समय से उपस्थित रहें और मरीजों के साथ संवेदनशील एवं सहयोगात्मक व्यवहार करें।

जिलाधिकारी  प्रियंका निरंजन ने कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप जनपद के नागरिकों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। मेडिकल कॉलेज की नई बिल्डिंग में ओपीडी संचालन से न केवल मरीजों को उन्नत सुविधाएं मिलेंगी, बल्कि जिला अस्पताल पर भी दबाव कम होगा। उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए निर्धारित समयसीमा के भीतर सभी व्यवस्थाएं पूर्ण करने के निर्देश दिए।

निरीक्षण के दौरान जिला विकास अधिकारी सुशील कुमार श्रीवास्तव, प्रिंसिपल मेडिकल कॉलेज, मुख्य चिकित्सा अधिकारीडॉक्टर संत लाल पटेल, सीएमएस जिला अस्पताल डॉक्टर अनिल तिवारी, डॉक्टर कुलदीप पाण्डेय, डॉक्टर डीएन सिंह सहित सभी अन्य संबंधित आधिकारिक उपस्थित रहे।
प्रधानमंत्री के विजन और मुख्यमंत्री के कुशल नेतृत्व की विजय : आचार्य पवन त्रिपाठी
मुंबई। मुंबई महानगरपालिका चुनाव में महायुति को मिली प्रचंड विजय पर अपनी प्रतिक्रिया देते हुए मुंबई भाजपा के महामंत्री तथा श्री सिद्धिविनायक मंदिर न्यास के कोषाध्यक्ष आचार्य पवन त्रिपाठी ने कहा कि यह ऐतिहासिक विजय, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के दूरदर्शी विजन और महाराष्ट्र के लोकप्रिय मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के कुशल नेतृत्व की विजय है। उन्होंने कहा कि मुंबई के मतदाताओं ने विकास और स्वर्णिम भविष्य को प्राथमिकता देते हुए महायुति के पक्ष में संगठित होकर मतदान किया। उन्होंने कहा कि भाजपा मुंबई अध्यक्ष एडवोकेट अमित साटम ने जिस तरह से कार्यकर्ताओं का हौसला बढ़ाया और जनता के बीच हमेशा खड़े रहे, उसके चलते महायुति के प्रति लोगों में विश्वास बढ़ा। आचार्य त्रिपाठी ने कहा कि यह पार्टी के प्रति समर्पित निस्वार्थ कार्यकर्ताओं की महा विजय है। विकास और विश्वास के प्रति समर्पित भाजपा का विजय रथ निरंतर आगे बढ़ता रहेगा।
तीन सूत्री मांगों को लेकर राज्यसभा सांसद संजय सिंह को श्रवण आर्मी ने दिया पत्र किया सदन में उठाने की बात

मीरजापुर। शुक्रवार 16 जनवरी को तीन सूत्री मांगों को लेकर सवर्ण आर्मी संगठन के जिला संयोजक सुशील पाण्डेय, जिलाध्यक्ष मुकेश पाण्डेय के नेतृत्व में सवर्ण आर्मी टीम के साथ अपनी मांगों को लेकर आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद संजय सिंह से मुलाकात कर ज्ञापन देकर अपनी मांग को रखा।

इस दौरान जिलाध्यक्ष मुकेश पांडे ने कहा कि आज हम अपनी मांगों को लेकर आपसे मुलाकात कर रहे हैं, क्योंकि आप भी सवर्ण समाज से हैं और हमारी जो सामाजिक पीड़ा है उससे कहीं-कहीं आप भी प्रेरित हैं। हमारी इन मांगों को सदन में उठाने का काम करें जिससे हमारी सामाजिक लड़ाई संपन्न हो सके। संगठन ने मांगें दुहराते हुए आयोग का गठन हो, एससी एसटी काला कानून खत्म हो, आरक्षण आर्थिक आधार पर लागू हो प्रमुख रही है।

ज्ञापन देने वालों में संगठन के जिला संयोजक सुशील पाण्डेय, जिलाध्यक्ष मुकेश पाण्डेय, चंचल मिश्रा, महेश सिंह, सीमा सिंह, कृष्ण कुमार सिंह, गुड्डू सिंह, छोटू, देवेंद्र तिवारी, आलोक दुबे, स्वतंत्र पाण्डेय, संजय पाण्डेय, आशुतोष शुक्ला, लक्ष्मण पाण्डेय,  अनुराग पाण्डेय इत्यादि मौजूद रहे हैं।
ED को बड़ी राहत: झारखंड हाईकोर्ट ने रांची पुलिस की जांच पर लगाई रोक, एयरपोर्ट थाने में दर्ज FIR पर अगली सुनवाई तक स्टे।

रांची: झारखंड हाईकोर्ट ने गुरुवार को प्रवर्तन निदेशालय (ED) की क्रिमिनल रिट याचिका पर सुनवाई करते हुए रांची पुलिस द्वारा केंद्रीय एजेंसी के अधिकारियों के खिलाफ की जा रही जांच पर तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी है। न्यायमूर्ति संजय कुमार द्विवेदी की खंडपीठ ने यह आदेश जारी करते हुए राज्य सरकार और निजी प्रतिवादी संतोष कुमार से जवाब तलब किया है।

हाईकोर्ट के कड़े निर्देश:

जांच पर रोक: एयरपोर्ट थाने में ईडी अधिकारियों के खिलाफ दर्ज प्राथमिकी के आधार पर रांची पुलिस अब कोई कार्रवाई नहीं कर सकेगी।

सुरक्षा का नया घेरा: कोर्ट ने निर्देश दिया है कि ईडी के रांची कार्यालय की सुरक्षा अब CISF या CRPF संभालेगी। साथ ही रांची एसएसपी को सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी का जिम्मा दिया गया है।

पक्षकार: अदालत ने केंद्रीय गृह सचिव और शिकायतकर्ता संतोष कुमार को इस मामले में प्रतिवादी (पार्टी) बनाया है।

जवाब दाखिल करने का समय: राज्य सरकार को 7 दिन और संतोष कुमार को 10 दिनों के भीतर अपना पक्ष रखने का निर्देश दिया गया है।

मामले की पृष्ठभूमि:

विवाद पेयजल विभाग में कथित गड़बड़ी की जांच से शुरू हुआ। मामले का आरोपी संतोष कुमार बिना किसी समन के स्वयं ईडी कार्यालय पहुंचा और बाद में ईडी अधिकारियों पर पूछताछ के दौरान मारपीट का आरोप लगाते हुए एयरपोर्ट थाने में प्राथमिकी दर्ज करा दी।

ईडी का तर्क: गुरुवार को जब रांची पुलिस जांच के लिए ईडी दफ्तर पहुंची, तो एजेंसी ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया। ईडी का तर्क है कि यह प्राथमिकी उनकी स्वायत्त जांच को बाधित करने और अधिकारियों को डराने की एक साजिश है। ईडी ने इस पूरे प्रकरण की जांच CBI से कराने की मांग की है, जिस पर अदालत ने विचार करने के संकेत दिए हैं।

शक्ति के देवता बजरंगबली की तस्वीर भेंटकर कृपाशंकर ने दी मुख्यमंत्री को बधाई

मुंबई। मुंबई महानगरपालिका चुनाव में महायुति को मिली ऐतिहासिक जीत के बाद महाराष्ट्र के पूर्व गृह राज्य मंत्री तथा लोकप्रिय उत्तर भारतीय नेता कृपाशंकर सिंह ने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से मुलाकात कर, उन्हें शक्ति के देवता बजरंगबली की तस्वीर भेंटकर हार्दिक बधाई दी।

कृपाशंकर ने कहा कि यह प्रचंड जनादेश, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की दूरदर्शितापूर्ण विजन, मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के सुशासन , विकास और मजबूत नेतृत्व में जनता के अटूट विश्वास का प्रतीक है। उन्होंने कहा कि उत्तर भारतीय एक परिश्रमी कौम है, जो अपनी कड़ी मेहनत, ईमानदारी और सहयोग देने की प्रवृत्ति पर विश्वास रखती है। महाराष्ट्र के उत्तर भारतीय समाज ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस द्वारा किए गए विकास कार्यों पर पूरा भरोसा जताते हुए न सिर्फ मुंबई महानगरपालिका में अपितु मीरा भायंदर, ठाणे, नवी मुंबई,पालघर समेत अन्य महानगरपालिकाओं में भी भाजपा के पक्ष में संगठित रूप से मतदान किया। इस अवसर पर मुंबई युवा मोर्चा के उपाध्यक्ष शिवम सिंह भी उपस्थित रहे। मुख्यमंत्री ने भी प्रचंड विजय के लिए मतदाताओं का आभार मानते हुए कहा कि महाराष्ट्र की महायुति सरकार सबका साथ सबका विकास और सबका विश्वास के लिए संकल्पित है।
"स्थानीय शिल्प, वैश्विक पहचान विधायक गणेश चौहान

रमेश दूबे 

संत कबीर नगर।मंगलम मैरेज हॉल खलीलाबाद संत कबीर नगर में उत्तर प्रदेश सरकार की महत्वाकांक्षी 'एक जनपद-एक उत्पाद' (ODOP) 10 दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का विधिवत उद्घाटन किया। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में डबल इंजन की भाजपा सरकार स्थानीय कारीगरों, बुनकरों और उद्यमियों को अंतरराष्ट्रीय मंच प्रदान करने के लिए प्रतिबद्ध है।

यह पहल न केवल हमारी पारंपरिक कला को जीवित रखेगी, बल्कि युवाओं के लिए रोजगार के नए द्वार भी खोलेगी। वहां पर प्रशिक्षण के लिए बना रहे भोजन के गुणवत्ता की भी जांच की गई इस अवसर पर सुदर्शन चौहान ,परमजीत चौहान विरेंद्र चौहान दिलीप गुप्ता संजय चंद्रा निहाल प्रिंस सिंह नीलेश पांडे जिला समन्यवक यूपीकॉन ओम प्रकाश वर्मा, राजकुमार शर्मा ,उपायुक्त उद्योग,पंकज कुमार पांडेय ,सहायक प्रबंधक ,विशाल श्रीवास्तव ,उद्यमी मित्र,जितेंद्र कुमार ,कनिष्ठ सहायक एवं लगभग 200 प्रशिक्षु उपस्थित रहे।

रोज अदरक पानी पीना सही है या नहीं? वजन घटाने से पहले जान लें इसके फायदे
आज की भागदौड़ भरी ज़िंदगी में लोग तेजी से वजन घटाने और फिट रहने के आसान तरीकों की तलाश में रहते हैं। ऐसे में अदरक पानी एक ऐसा देसी नुस्खा बनकर उभरा है, जिसे लोग बिना ज्यादा सोचे-समझे रोज़ाना पीने लगे हैं। लेकिन सवाल यह है कि क्या रोज अदरक पानी पीना वाकई फायदेमंद है या इसका जरूरत से ज्यादा सेवन नुकसान भी पहुंचा सकता है? अदरक पानी क्यों माना जाता है असरदार?अदरक में मौजूद जिंजरॉल और शोगाओल जैसे तत्व शरीर के मेटाबॉलिज़्म को तेज करते हैं। इससे पाचन बेहतर होता है और शरीर में जमा अतिरिक्त चर्बी धीरे-धीरे कम होने लगती है। अदरक पानी शरीर को अंदर से गर्म रखता है, जिससे सर्दियों में इम्युनिटी भी मजबूत होती है। अदरक पानी पीने का सही समयअदरक पानी पीने का सबसे अच्छा समय सुबह खाली पेट माना जाता है। इससे शरीर का डाइजेस्टिव सिस्टम एक्टिव होता है और दिनभर कैलोरी बर्न करने की क्षमता बढ़ती है। कुछ लोग इसे रात में भी पीते हैं, लेकिन रात में अदरक पानी पीने से कुछ लोगों को एसिडिटी या बेचैनी हो सकती है। अदरक पानी के प्रमुख फायदेअदरक पानी पाचन तंत्र को मजबूत करता है और गैस, अपच, कब्ज जैसी समस्याओं में राहत देता है। यह शरीर को डिटॉक्स करता है और टॉक्सिन्स बाहर निकालने में मदद करता है।
वजन घटाने के साथ-साथ अदरक पानी जोड़ों के दर्द और सूजन में भी राहत देता है। सर्दी-खांसी, गले में खराश और वायरल इंफेक्शन से बचाव में भी यह कारगर है। नियमित सेवन से ब्लड सर्कुलेशन बेहतर होता है और शरीर में आलस्य कम महसूस होता है। कितने दिन तक पीना चाहिए अदरक पानी?अदरक पानी को लगातार लंबे समय तक पीना सही नहीं माना जाता। अगर आप सामान्य स्वास्थ्य के लिए इसका सेवन कर रहे हैं, तो 15 से 20 दिन पर्याप्त हैं।
वजन घटाने के उद्देश्य से इसे 3 से 4 हफ्ते तक पिया जा सकता है। इसके बाद कम से कम एक हफ्ते का ब्रेक लेना जरूरी है, ताकि शरीर में अत्यधिक गर्मी न बढ़े।अदरक पानी के नुकसान भी जानना जरूरीअदरक की तासीर गर्म होती है। जरूरत से ज्यादा सेवन करने पर पेट में जलन, एसिडिटी, मुंह में छाले या नींद की समस्या हो सकती है। जिन लोगों को पेट से जुड़ी गंभीर समस्या, हाई ब्लड प्रेशर या गर्भावस्था है, उन्हें अदरक पानी पीने से पहले डॉक्टर से सलाह लेनी चाहिए।अदरक पानी सेहत के लिए फायदेमंद जरूर है, लेकिन इसे चमत्कारी उपाय मानकर जरूरत से ज्यादा पीना सही नहीं है। सही मात्रा, सही समय और सीमित अवधि तक सेवन करने से ही इसका पूरा लाभ मिलता है।
केएल इंटर कॉलेज करनैलगंज का खेल मैदान बना कूड़ा डंपिंग ग्राउंड, जिम्मेदार मौन
ईदगाह-कब्रिस्तान के पास खुलेआम गंदगी और गौवंशों का जमावड़ा

नगर पालिका की खुली मनमानी,करनैलगंज प्रशासन की चुप्पी पर उठे गंभीर सवाल

गोंडा(करनैलगंज)। तहसील मुख्यालय स्थित करनैलगंज कस्बे में हुजूरपुर रोड स्थित कन्हैयालाल इंटर कॉलेज के क्रीड़ा स्थल और उसके बगल ईदगाह कब्रिस्तान के पास फैली भारी गंदगी और कूड़े कचरे का ढेर अब महज लापरवाही नहीं, बल्कि सुनियोजित कूड़ा डंपिंग का नतीजा बन चुकी है। स्थानीय लोगों के अनुसार यहां नगर पालिका अध्यक्ष और अधिशासी अधिकारी के निर्देश पर कस्बे के विभिन्न मोहल्लों से प्रतिदिन बड़े पैमाने पर कूड़ा-कचरा और गंदगी लाकर यहां डंप कराई जा रही है। खेल मैदान,जहां बच्चों को स्वस्थ वातावरण मिलना चाहिए, आज कचरा डंपिंग जोन बन चुका है। सड़ा-गला कूड़ा, प्लास्टिक और खुले में फेंका गया अपशिष्ट न सिर्फ भीषण दुर्गंध फैला रहा है, बल्कि संक्रामक बीमारियों के फैलने का गंभीर खतरा भी पैदा कर रहा है। बेसहारा गौवंश कूड़े में मुंह मारते दिखाई दे रहे हैं,जिससे सड़क दुर्घटनाओं और पशुओं की मौत की आशंका भी बढ़ गई है। धुंध और गंदगी के बीच सड़क किनारे खड़े पशु न सिर्फ यातायात के लिए खतरा हैं, बल्कि यह दृश्य स्वच्छता अभियान और गौ-संरक्षण के दावों की पोल खुल रही है। स्वच्छ भारत मिशन, स्मार्ट सिटी और गौ-संरक्षण जैसे सरकारी दावे यहां कागज़ों में सिमटे नजर आते हैं,जबकि हकीकत में एक खेल मैदान को कूड़ा डंपिंग जोन में तब्दील कर दिया गया है।

ईदगाह और कब्रिस्तान जैसे संवेदनशील स्थल के सामने इस तरह की गंदगी सामाजिक और धार्मिक भावनाओं के साथ भी खुला खिलवाड़ है। नगर पालिका, पशुपालन विभाग, शिक्षा विभाग और स्थानीय प्रशासन—सबकी जिम्मेदारी तय होने के बावजूद कोई कार्रवाई क्यों नहीं? स्थानीय लोगों का कहना है कि कई बार शिकायतों के बाद भी न कूड़ा डंपिंग बंद होता है, न गौवंशों के उचित संरक्षण की व्यवस्था होती है,और न ही मैदान की साफ-सफाई। नतीजा बीमारियों का खतरा बढ़ता जा रहा है। यह तस्वीरें सिर्फ गंदगी नहीं दिखातीं बल्कि प्रशासनिक उदासीनता,जवाबदेही के अभाव और सरकारी दावों की खोखलाहट को बेनकाब करती हैं।

चौंकाने वाली बात यह है कि यह सब दिन-दहाड़े, रोजाना हो रहा है, इसके बावजूद स्थानीय प्रशासनिक अधिकारियों की नजर नहीं पड़ना कई सवाल खड़े करता है। क्या यह अनदेखी महज संयोग है या फिर जानबूझकर आंख मूंद ली गई है? आखिर कब तक प्रशासन इस गंभीर जनस्वास्थ्य संकट पर चुप्पी साधे रहेगा? क्या कर्नलगंज में खेल मैदान सिर्फ नाम के हैं? क्या स्वच्छता और गौ-संरक्षण केवल फाइलों तक सीमित रहेंगे? और आखिर कब होगी जिम्मेदार अफसरों पर कार्रवाई।
NH-522 पर बड़ी कार्रवाई: डस्टर कार से 48.1 किलो गांजा बरामद, एक तस्कर गिरफ्तार

हजारीबाग जिला में नशीले पदार्थों की अवैध तस्करी के खिलाफ पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। 16 जनवरी 2026 को मिली गुप्त सूचना के आधार पर NH-522 सिवाने पुल के पास कार्रवाई करते हुए पुलिस ने सफेद रंग की डस्टर कार संख्या WB-74AA-6328 से 13 पैकेट में कुल 48.1 किलोग्राम गांजा बरामद किया। सूचना के सत्यापन के बाद बिष्णुगढ़ अनुमंडल के नेतृत्व में टीम गठित की गई। कार्रवाई के दौरान वाहन सड़क किनारे खड़ा मिला, पुलिस को देखते ही एक व्यक्ति वाहन छोड़कर भागने लगा, जिसे दौड़ाकर पकड़ लिया गया। पूछताछ में उसने अपना नाम चंदन कुमार, पिता तेजनारायण सिंह, ग्राम नामकुम देवी मंडप रोड, थाना नामकुम, जिला रांची बताया। वाहन की तलाशी लेने पर अंदर छिपाकर रखा गया गांजा बरामद किया गया। कड़ाई से पूछताछ में आरोपी ने गांजा तस्करी में संलिप्त होने की बात स्वीकार की। इस मामले में विधिसम्मत कार्रवाई करते हुए आरोपी को न्यायिक हिरासत में भेजा जा रहा है। पुलिस ने मौके से डस्टर वाहन और एक मोबाइल फोन भी जब्त किया है। हजारीबाग पुलिस द्वारा अवैध अफीम, डोडा और गांजा के खिलाफ अभियान लगातार जारी है और आगे भी सख्त कार्रवाई की जाएगी।