सीएम मॉडल विद्यालय बनाने को भेजी रिपोर्ट


रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव


भदोही। जिले में तीसरे मुख्यमंत्री माडल कंपोजिट विद्यालय का निर्माण ज्ञानपुर तहसील क्षेत्र के घरांव में होगा। औराई तहसील क्षेत्र के गिर्दबड़गांव एवं भदोही तहसील क्षेत्र के बहरैची में निर्माण कार्य चल रहा है। ऐसे में ज्ञानपुर तहसील क्षेत्र के घरांव में भी सीएम माडल कंपोजिट विद्यालय का निर्माण होगा। जिला बेसिक विभाग द्वारा शासन को डीपीआर यानि स्ट्रैक्चर और लागत की रिपोर्ट भेज दी गई है। अब धन स्वीकृति होने के बाद डेंडर प्रक्रिया पूर्ण कर निर्माण कार्य शुरू हो जाएगा।

बीएसए शिवम पांडेय ने बताया कि बनने वाले विद्यालय में प्री-प्राइमरी से कक्षा 12वीं तक के विद्यार्थियों को बेहतर शिक्षा का लाभ मिलेगा। जिले का तीसरा सीएम कंपोजिट माडल विद्यालय का निर्माण कार्य घरांव में होगा। परियोजना के तहत कुल करीब 25 करोड़ रुपये खर्च होंगे। डीपीआर शासन को भेज दी गई है, अब धन स्वीकृति होने के बाद निर्माण कार्य शुरू होगा। विद्यालय परिसर में मुख्य भवन(+2), मिड डे मील भवन (+1), बाल वाटिका, मल्टीपरपज हॉल, प्रिंसिपल आवास, स्टाफ रूम, डोरमेट्री, गार्ड रूम, साइट डेवलपमेंट, बाउंड्रीवाल, सीसी रोड एवं इंटरलॉकिंग सहित विभिन्न आधारभूत सुविधाओं का निर्माण कराया जाएगा। आधुनिक संसाधनों से युक्त यह विद्यालय विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। बताया कि प्रदेश सरकार शिक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। मुख्यमंत्री मॉडल कम्पोजिट विद्यालय के निर्माण से क्षेत्र के बच्चों को बेहतर शैक्षिक अवसर प्राप्त होंगे। गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के लिए बच्चों को दूर नहीं भेजना पड़ेगा।


*सीएम माडल कंपोजिट स्कूल में यह होगी सुविधा*


जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी शिवम पांडेय ने बताया कि सीएम माडल कंपोजिट स्कूल में प्री-प्राइमरी से लेकर कक्षा 12 तक की शिक्षा दी जाएगी। शिक्षा व्यवस्था यूपी बोर्ड के पाठ्यक्रम पर आधारित होगी। स्कूलों में स्मार्ट कक्षा, स्किल हब सेंटर, कंप्यूटर और भाषा प्रयोगशाला के साथ एआई लैब, संगीत लैब, साइंस लैब, पुस्तकालय जैसी कई सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएगी। इसके साथ ही प्रत्येक कक्षा कक्ष में स्मार्ट क्लास, मिड डे मील किचन, डायनिंग हाल, मल्टीपल हैंडवास यूनिट जैसी सुविधाएं भी उपलब्ध होगी। बच्चे को बेहतर शिक्षा मुहैया कराने की दिशा में तीनों तहसील क्षेत्रों में सीएम माडल कंपोजिट विद्यालय बनाए जा रहे हैं।
मिर्जापुर : सपा नेता शिव शंकर यादव के खिलाफ पूर्व पीसीएस अधिकारी अलंकार अग्निहोत्री के साथ सैकड़ो की संख्या में ब्राह्मणों ने कोतवाली में किया प्


मिर्जापुर। सपा नेता शिव शंकर यादव के खिलाफ पूर्व पीसीएस अधिकारी अलंकार अग्निहोत्री के साथ सैकड़ो की संख्या में ब्राह्मणों ने शहर कोतवाली पहुंचकर प्रदर्शन करते हुए सपा नेता शिव शंकर यादव के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की मांग की है.
मिर्जापुर के सपा नेता शिव शंकर यादव ने ब्राह्मणों को लेकर कहा था जो शादी में श्लोक पढ़ा जाता है वह एक गली के तरह होता है , जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद ब्राह्मण समाज जगह-जगह विरोध प्रदर्शन कर रहा है इसी कड़ी में आज मिर्जापुर के शहर कोतवाली पूर्व पीसीएस अधिकारी अलंकार अग्निहोत्री के नेतृत्व में सैकड़ो ब्राह्मण पहुंचकर कोतवाली के घेराव करते हुए सपा नेता शिव शंकर यादव खिलाफ प्रार्थना पत्र देकर मुकदमा दर्ज कराने की मांग की है.
पूर्व पीसीएस अधिकारी अलंकार अग्निहोत्री ने बताया कि सपा के नेता शिव शंकर यादव ने ब्राह्मणों को लेकर एक टिप्पणी की थी.इसी मामले को लेकर थाने में तहरीर दी गई है कोतवाल ने कहा है की जांच कराने के बाद कार्रवाई की जाएगी. साथ ही कहा अखिलेश यादव ऐसे नेता को अपने पार्टी से बाहर करें
ज्ञानपुर में विकास को मिलेगी नई रफ्तार, सराय जगदीश रेलवे फाटक पर बनेगा 80 करोड़ का ओवरब्रिज, 18 करोड़ रुपये अवमुक्त, जल्द होगा शिलान्यास विपुल द

रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव


भदोही। ककराही और माधोसिंह रेलवे फाटक पर भी ओवरब्रिज निर्माण की तैयारी, प्रेस वार्ता में विधायक ने खोला विकास कार्यों का पिटारा; बोले जनता की समस्याओं का स्थायी समाधान कराना प्राथमिकता

ज्ञानपुर सराय जगदीश हाल्ट स्थित रेलवे फाटक पर लगने वाले जाम से जल्द ही लोगों को निजात मिलने वाली है। लंबे समय से प्रस्तावित रेलवे ओवरब्रिज निर्माण की दिशा में बड़ी प्रगति हुई है। करीब 80 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले ओवरब्रिज को प्रशासनिक स्वीकृति मिल चुकी है और निर्माण के लिए 18 करोड़ रुपये अवमुक्त भी हो गए हैं। अब जल्द ही भूमि पूजन और शिलान्यास की तैयारी है। यह बड़ा ऐलान ज्ञानपुर विधायक विपुल दुबे ने बुधवार को आयोजित प्रेस वार्ता में किया। उन्होंने कहा कि रेलवे से एनओसी समेत कुछ तकनीकी औपचारिकताएं पूरी होते ही निर्माण की प्रक्रिया आगे बढ़ेगी।

विधायक ने बताया कि सराय जगदीश रेलवे फाटक पर आए दिन लगने वाला जाम क्षेत्र के लोगों के लिए गंभीर समस्या बना हुआ था। मरीजों को अस्पताल पहुंचने में देरी होती थी तो विद्यार्थियों, नौकरीपेशा लोगों और आम राहगीरों को भी घंटों परेशानी झेलनी पड़ती थी। इसी मार्ग पर स्थित माता सीता समाहित स्थल पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु और पर्यटक पहुंचते हैं, जिन्हें जाम की समस्या से जूझना पड़ता था।
एक एंबुलेंस में जिंदगी और मौत से जूझता बच्चा बना संकल्प की वजह
विधायक विपुल दुबे ने प्रेस वार्ता में एक भावुक घटना का जिक्र करते हुए बताया कि एक दिन इसी रास्ते से गुजरते समय उन्होंने एंबुलेंस में 16 वर्षीय बच्चे को जिंदगी और मौत से जूझते देखा था। रेलवे फाटक पर जाम के चलते हो रही परेशानी ने उन्हें भीतर तक झकझोर दिया। उसी दिन उन्होंने इस समस्या का स्थायी समाधान कराने का संकल्प लिया था। उन्होंने कहा कि अब ओवरब्रिज की स्वीकृति और धनराशि अवमुक्त होना उस दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।
30 दिन में तकनीकी औपचारिकताएं पूरी कराने की कोशिश
विधायक ने बताया कि रेलवे विभाग की एनओसी सहित कुछ तकनीकी प्रक्रियाएं अभी बाकी हैं, जिन्हें पूरा होने में करीब 30 दिन लग सकते हैं। इसके लिए वह प्रयागराज जाकर रेलवे के अधिकारियों से मुलाकात करेंगे। साथ ही ब्रिज कारपोरेशन के अधिकारियों के साथ समन्वय स्थापित कर शेष औपचारिकताएं जल्द पूरी कराने का प्रयास करेंगे, ताकि निर्माण कार्य का रास्ता साफ हो सके।
ककराही और माधोसिंह रेलवे फाटक भी एजेंडे में
विपुल दुबे ने स्पष्ट किया कि विकास की यह पहल केवल सराय जगदीश तक सीमित नहीं रहेगी। ककराही और माधोसिंह रेलवे फाटक पर भी ओवरब्रिज निर्माण के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि जनपद के अन्य जनप्रतिनिधि भी इन समस्याओं के समाधान के लिए प्रयासरत हैं। मूसी में निर्मित पुल का उदाहरण देते हुए उन्होंने बताया कि पहले वहां रास्ता काफी संकरा था, जिससे आवागमन में कठिनाई होती थी। लोगों की सुविधा को देखते हुए पुल का निर्माण कराया गया।
कोनिया की समस्या के समाधान के लिए भी जमीन चिह्नित
प्रेस वार्ता में विधायक ने कोनिया क्षेत्र की समस्याओं पर भी चर्चा की। उन्होंने बताया कि गर्मी के मौसम में क्षेत्र में आवागमन को लेकर होने वाली परेशानी के समाधान के लिए जमीन का चयन कर लिया गया है। पावर कारपोरेशन के स्तर पर कुछ प्रक्रियाएं शेष हैं, जिन्हें पूरा कराने का प्रयास किया जा रहा है।
विधायक ने कहा कि वह स्वयं को ज्ञानपुर का वकील मानते हैं और क्षेत्र की समस्याओं को उठाना तथा विकास कार्यों की पैरवी करना अपनी जिम्मेदारी समझते हैं। विकास के लिए किसी जादू की छड़ी की जरूरत नहीं होती, बल्कि निरंतर प्रयास, अधिकारियों से समन्वय और जनता के विश्वास से काम आगे बढ़ता है।
उन्होंने कहा कि ज्ञानपुर विधानसभा के साथ-साथ पूरे जनपद की जनसमस्याओं को प्राथमिकता के आधार पर उठाया जा रहा है। जनता के आशीर्वाद, सहयोग और कार्यकर्ताओं के समर्थन से विकास कार्यों को गति देने का प्रयास जारी है। सराय जगदीश रेलवे ओवरब्रिज की स्वीकृति इसी कड़ी में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है।
दुर्गापूजा सकुशल संपन्न कराने पर कटका क्लब ने पुलिस अधिकारियों का जताया आभार
सुल्तानपुर। जनपद में दुर्गापूजा का पर्व सकुशल एवं शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले पुलिस अधिकारियों के प्रति कटका क्लब सामाजिक संस्था ने आभार व्यक्त किया। संस्था के अध्यक्ष डॉ. सौरभ मिश्र विनम्र के नेतृत्व में पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल एवं अपर पुलिस अधीक्षक बृज नारायण सिंह का सम्मान करते हुए उनके प्रति कृतज्ञता प्रकट की गई।

इस अवसर पर संस्था अध्यक्ष डॉ. सौरभ मिश्र विनम्र ने कहा कि दुर्गापूजा जैसे बड़े धार्मिक आयोजन को शांतिपूर्ण एवं व्यवस्थित तरीके से संपन्न कराना पुलिस प्रशासन के लिए बड़ी जिम्मेदारी होती है। पुलिस अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने पूरी मुस्तैदी, समर्पण और जिम्मेदारी के साथ अपनी ड्यूटी निभाई। उनके बेहतर प्रबंधन और सहयोग से जनपद में दुर्गापूजा का पर्व सकुशल संपन्न हुआ। इसके लिए पूरी पुलिस टीम बधाई और आभार की पात्र है।

वहीं मिशन जारी टीम के मनोज कुमार विश्वकर्मा ने कहा कि त्योहारों के दौरान पुलिस प्रशासन की सक्रियता और सजगता से आमजन में सुरक्षा का भाव बना रहता है। दुर्गापूजा के दौरान पुलिसकर्मियों ने जिस तरह से अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन किया, वह सराहनीय है।

कथा वाचक शनि मिश्र ने कहा कि धार्मिक आयोजनों की सफलता में प्रशासन का सहयोग बेहद महत्वपूर्ण होता है। पुलिस प्रशासन ने आपसी सौहार्द, शांति और सुरक्षा का वातावरण बनाए रखने में सराहनीय भूमिका निभाई है। इसके लिए पुलिस अधीक्षक, अपर पुलिस अधीक्षक सहित समस्त पुलिसकर्मियों का आभार व्यक्त करते हैं।

इस दौरान कटका क्लब सामाजिक संस्था के पदाधिकारियों ने पुलिस प्रशासन के प्रति धन्यवाद ज्ञापित करते हुए भविष्य में भी सामाजिक एवं धार्मिक आयोजनों में सहयोग और समन्वय बनाए रखने की बात कही।
मऊ में बैंक सखी रेनू मौर्य का हार्ट अटैक से निधन, 70 स्वयं सहायता समूहों का कराया था गठन; तीन बेटियों के सिर से उठा मां का साया
मऊ। दोहरीघाट ब्लॉक में कार्यरत बैंक सखी रेनू मौर्य का हार्ट अटैक से निधन हो गया। वह यूनियन बैंक ऑफ इंडिया की अमिला शाखा में कार्यरत थीं और गोफा गांव की निवासी थीं। उनके निधन की खबर से स्वयं सहायता समूहों से जुड़ी महिलाओं और कर्मचारियों में शोक की लहर दौड़ गई।

रेनू मौर्य ने अपने कार्यक्षेत्र में करीब 70 स्वयं सहायता समूहों का गठन कराया था। वह महिलाओं को समूहों से जोड़कर उन्हें आत्मनिर्भर बनाने और स्वरोजगार के लिए लगातार प्रेरित करती थीं। उनके प्रयासों से बड़ी संख्या में महिलाएं स्वयं सहायता समूहों से जुड़ीं।

मंगलवार को बड़राव ब्लॉक परिसर में शोकसभा आयोजित की गई। इसमें सुधांशु, ब्लॉक के कर्मचारी, समूह सखियां और बैंक सखियां शामिल हुईं। सभी ने दो मिनट का मौन रखकर दिवंगत रेनू मौर्य को श्रद्धांजलि अर्पित की।

रेनू मौर्य अपने पीछे तीन बेटियां छोड़ गई हैं। उनकी बड़ी बेटी 13 वर्ष, दूसरी 8 वर्ष और सबसे छोटी बेटी महज 4 वर्ष की है। परिवार की आजीविका का मुख्य सहारा रेनू मौर्य ही थीं।

शोकसभा में मौजूद लोगों ने उनके सामाजिक योगदान और महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए किए गए प्रयासों को याद किया। उनके निधन को स्वयं सहायता समूहों से जुड़े परिवारों और क्षेत्र के लिए अपूरणीय क्षति बताया।
मऊ: ताजोपुर सिंधी कुटी मंदिर के सामने सात महीने से खराब पड़ीं हाईमास्ट लाइटें, हादसों का खतरा

मऊ। शहर के सबसे व्यस्त मार्गों में शामिल एनएच-29 पर ताजोपुर स्थित सिंधी कुटी मंदिर के सामने नगर पालिका की लापरवाही का मामला सामने आया है। यहां करीब सात महीने से चार से पांच हाईमास्ट लाइटें जर्जर अवस्था में पड़ी हुई हैं, लेकिन अब तक उनकी मरम्मत नहीं कराई गई है।

एनएच-29 पर दिन-रात छोटे-बड़े वाहनों का आवागमन लगा रहता है।

इसके बावजूद सड़क के इस हिस्से में हाईमास्ट लाइटें खराब होने के कारण अंधेरा छाया रहता है। इससे राहगीरों और वाहन चालकों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। साथ ही अंधेरे के चलते दुर्घटनाओं की आशंका भी बनी रहती है।

स्थानीय लोगों का कहना है कि इस मार्ग से जिले के तमाम अधिकारी और जनप्रतिनिधि गुजरते हैं, लेकिन लंबे समय से खराब पड़ी लाइटों की ओर किसी का ध्यान नहीं जा रहा है। कर्मचारियों को कई बार समस्या से अवगत कराने के बावजूद मरम्मत नहीं कराई गई।

इस संबंध में नगर पालिका परिषद के अधिशासी अधिकारी से फोन पर संपर्क कर उनका पक्ष जानने का प्रयास किया गया, लेकिन फोन नहीं उठाया गया और न ही वापस कॉल की गई।

अब सवाल यह है कि आखिर जिम्मेदार अधिकारियों की नजर इस समस्या पर कब पड़ेगी? क्या किसी बड़े हादसे के बाद ही नगर पालिका प्रशासन इन खराब लाइटों की सुध लेगा? स्थानीय लोगों ने जल्द से जल्द हाईमास्ट लाइटों की मरम्मत कराकर प्रकाश व्यवस्था दुरुस्त कराने की मांग की है।
धनतेरस से छठ तक लखनऊ में सुरक्षा का सख्त पहरा, बाजारों से लेकर गलियों तक पुलिस की रहेगी नजर

लखनऊ। धनतेरस, दीपावली, भैया दूज और छठ पर्व को शांतिपूर्ण एवं सुरक्षित माहौल में संपन्न कराने के लिए लखनऊ पुलिस ने व्यापक सुरक्षा तैयारियां शुरू कर दी हैं। पुलिस आयुक्त तरुण गाबा ने उच्चाधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक कर कानून-व्यवस्था, पुलिस गश्त, अपराध नियंत्रण और यातायात प्रबंधन को लेकर कड़े निर्देश दिए। उन्होंने सभी डीसीपी, एसीपी और थाना प्रभारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में विशेष सतर्कता बरतने तथा पुलिस की सक्रिय मौजूदगी सुनिश्चित करने को कहा है।
पुलिस आयुक्त ने निर्देश दिया कि सभी थाना प्रभारी प्रतिदिन शाम को पर्याप्त पुलिस बल के साथ फुट मार्च और वाहन पेट्रोलिंग करें। प्रमुख बाजारों, शॉपिंग मॉल, सर्राफा प्रतिष्ठानों, धार्मिक स्थलों और भीड़भाड़ वाले इलाकों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात किया जाए। बाजारों में पुलिस पिकेट लगाकर संदिग्ध गतिविधियों पर नजर रखी जाए।
महिला सुरक्षा और बाजारों में विशेष निगरानी
महिलाओं और बालिकाओं की सुरक्षा के लिए बाजारों, मॉल और सार्वजनिक स्थानों पर महिला पुलिसकर्मियों की तैनाती प्रभावी बनाने के निर्देश दिए गए हैं। मिशन शक्ति और एंटी रोमियो टीमों को लगातार भ्रमण कर सुरक्षा व्यवस्था पर नजर रखने को कहा गया है। वहीं, जेबकतरी, टप्पेबाजी, छिनैती और अन्य आपराधिक घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए संवेदनशील बाजारों और सर्राफा प्रतिष्ठानों में सादे कपड़ों में पुलिसकर्मी तैनात किए जाएंगे।
आतिशबाजी की दुकानों और भंडारण स्थलों का संबंधित विभागों के साथ मिलकर निरीक्षण किया जाएगा। पुलिस आयुक्त ने अग्निशमन उपकरणों और निर्धारित सुरक्षा मानकों का पालन कराने तथा नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई के निर्देश दिए हैं।
जाम, स्टंटबाजी और नशे में ड्राइविंग पर कार्रवाई
त्योहारों के दौरान बाजारों और प्रमुख मार्गों पर यातायात व्यवस्था सुचारु रखने के लिए विशेष इंतजाम किए जाएंगे। अवैध पार्किंग और अनावश्यक वाहन खड़े करने वालों पर कार्रवाई होगी। जरूरत के मुताबिक डायवर्जन और पार्किंग की व्यवस्था लागू की जाएगी।
शराब पीकर वाहन चलाने, तेज रफ्तार, खतरनाक ड्राइविंग और स्टंटबाजी करने वालों के खिलाफ सघन चेकिंग अभियान चलाने के निर्देश दिए गए हैं। इसके अलावा कॉलोनियों, आवासीय परिसरों, सुनसान मार्गों और बाहरी इलाकों में गश्त बढ़ाई जाएगी। बंद मकानों और संवेदनशील स्थानों के आसपास विशेष निगरानी रखी जाएगी।
सीसीटीवी और ड्रोन से होगी निगरानी
प्रमुख बाजारों, चौराहों और संवेदनशील स्थानों पर लगे सीसीटीवी कैमरों को क्रियाशील रखने के निर्देश दिए गए हैं। आवश्यकता के अनुसार ड्रोन और अन्य तकनीकी संसाधनों से भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों की निगरानी की जाएगी। सोशल मीडिया पर भ्रामक और आपत्तिजनक सामग्री फैलाने वालों पर नजर रखने के साथ अफवाह फैलाने वालों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस आयुक्त ने फायर सर्विस, एंबुलेंस और अन्य आपातकालीन सेवाओं के साथ समन्वय बनाए रखने को कहा है। बाजारों में अग्निशमन वाहनों और एंबुलेंस के आवागमन के लिए रास्ते बाधामुक्त रखने तथा किसी भी आपात स्थिति में तत्काल कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं। पुलिस बल की पर्याप्त उपलब्धता, मोबाइल पुलिस टीम और क्विक रिस्पॉन्स व्यवस्था भी सक्रिय रखी जाएगी।
साइबर ठगी से बचने के लिए भी किया जाएगा जागरूक
त्योहारों के दौरान ऑनलाइन खरीदारी और डिजिटल भुगतान में होने वाली धोखाधड़ी को लेकर आमजन और व्यापारियों को जागरूक करने के निर्देश दिए गए हैं। पुलिस आयुक्त ने लोगों से अनजान लिंक पर क्लिक नहीं करने और ओटीपी या बैंक संबंधी गोपनीय जानकारी किसी के साथ साझा नहीं करने की अपील की है।
तरुण गाबा ने स्पष्ट किया कि दीपावली के दौरान प्रत्येक थाना क्षेत्र में पुलिस की सक्रिय और सतर्क मौजूदगी दिखाई देनी चाहिए। किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। राजपत्रित अधिकारी अपने-अपने क्षेत्रों में भ्रमण कर सुरक्षा व्यवस्था का नियमित पर्यवेक्षण करेंगे और थाना प्रभारी फुट मार्च व पेट्रोलिंग की निगरानी करेंगे।
कन्नौज में गंगा उत्सव को लेकर मेहंदी घाट पर स्वच्छता एवं श्रमदान कार्यक्रम का हुआ आयोजन, कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय के बच्चो ने की चि

पंकज कुमार श्रीवास्तव

कन्नौज जनपद में गंगा नदी के संरक्षण, स्वच्छता, निर्मलता एवं अविरलता के प्रति जन-जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से आज जिला गंगा समिति, कन्नौज के तत्वावधान में गंगा उत्सव-2026 के अंतर्गत विभिन्न जागरूकता एवं जनसहभागिता कार्यक्रमों का आयोजन किया गया।

इस क्रम में जनपद के मेहंदी घाट पर स्वच्छता अभियान एवं श्रमदान संचालित किया गया। इसमें प्रतिभागियों ने घाट परिसर की साफ-सफाई कर स्वच्छता का संदेश दिया तथा गंगा नदी को स्वच्छ, निर्मल एवं प्रदूषणमुक्त बनाए रखने का संकल्प लिया। कार्यक्रम के माध्यम से आमजन को गंगा के धार्मिक, सांस्कृतिक एवं पर्यावरणीय महत्व से अवगत कराते हुए नदी संरक्षण में सक्रिय सहभागिता के लिए प्रेरित किया गया।

इसी क्रम में कस्तूरबा गांधी आवासीय बालिका विद्यालय में छात्राओं के मध्य चित्रकला प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। प्रतियोगिता में छात्राओं ने उत्साहपूर्वक प्रतिभाग करते हुए अपनी रचनात्मक कलाकृतियों के माध्यम से गंगा संरक्षण, नदी की स्वच्छता, पर्यावरण संतुलन एवं जल संरक्षण से जुड़े महत्वपूर्ण संदेश प्रस्तुत किए। कार्यक्रम का उद्देश्य छात्राओं में गंगा के प्रति संवेदनशीलता विकसित करने के साथ ही पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता एवं सामाजिक जिम्मेदारी की भावना को प्रोत्साहित करना रहा।

इन कार्यक्रमों के माध्यम से यह संदेश दिया गया कि मां गंगा की स्वच्छता, निर्मलता एवं अविरलता बनाए रखना केवल प्रशासन की ही नहीं, बल्कि प्रत्येक नागरिक की सामूहिक जिम्मेदारी है। जनसहभागिता और सामूहिक प्रयासों से ही गंगा को स्वच्छ एवं प्रदूषणमुक्त बनाया जा सकता है।

आइए, गंगा की अविरल धारा और निर्मल जल को बनाए रखने के लिए संकल्पित हों तथा स्वच्छ गंगा, स्वस्थ पर्यावरण और सुरक्षित भविष्य के निर्माण में अपना सक्रिय योगदान दें।
जनगणना-2027 के द्वितीय चरण की तैयारियों को लेकर जिलाधिकारी की अध्यक्षता में समीक्षा बैठक सम्पन्न


*प्रगणक एवं पर्यवेक्षकों के प्रशिक्षण में अनुपस्थित कार्मिकों पर जिलाधिकारी ने जताई कड़ी नाराजगी, विभागीय कार्रवाई के निर्देश*


*जनगणना कार्य में लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी, सभी संबंधित अधिकारी समयबद्ध एवं जिम्मेदारी के साथ करें दायित्वों का निर्वहन:-जिलाधिकारी*


*गोण्डा 04 नवम्बर,2026*।
कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी श्रीमती प्रियंका निरंजन की अध्यक्षता में जनगणना-2027 के द्वितीय चरण अर्थात जनसंख्या गणना के सफल एवं प्रभावी क्रियान्वयन को लेकर समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में जनगणना से संबंधित तैयारियों, प्रगणकों एवं पर्यवेक्षकों के प्रशिक्षण तथा आगामी स्व-गणना कार्यक्रम की रूपरेखा पर विस्तार से चर्चा की गई।

बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने प्रगणक एवं पर्यवेक्षकों के प्रशिक्षण में अनुपस्थित रहने वाले कार्मिकों के प्रति कड़ी नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्रशिक्षण जैसे महत्वपूर्ण कार्य में अनुपस्थित रहने वाले कार्मिकों के विरुद्ध नियमानुसार विभागीय कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि जनगणना राष्ट्रीय महत्व का महत्वपूर्ण कार्य है, इसमें किसी भी स्तर पर लापरवाही, उदासीनता अथवा शिथिलता स्वीकार नहीं की जाएगी। सभी संबंधित अधिकारी एवं कर्मचारी अपनी जिम्मेदारियों का गंभीरतापूर्वक निर्वहन करें।

*16 नवंबर 2026 से प्रारंभ होगी स्व-गणना, व्यापक प्रचार-प्रसार के दिए निर्देश*

जिलाधिकारी ने बैठक में आगामी 16 नवंबर, 2026 से प्रारंभ होने वाली स्व-गणना प्रक्रिया को सफल बनाने पर विशेष जोर दिया। उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि स्व-गणना के उद्देश्य, प्रक्रिया एवं इसकी उपयोगिता के संबंध में आमजन को व्यापक स्तर पर जागरूक किया जाए।

उन्होंने कहा कि स्व-गणना कार्यक्रम के संबंध में जनसामान्य तक सही एवं आवश्यक जानकारी पहुंचाई जाए, जिससे अधिक से अधिक नागरिक इस प्रक्रिया में सहभागिता सुनिश्चित कर सकें। इसके लिए संबंधित विभागों के अधिकारी आपसी समन्वय स्थापित करते हुए व्यापक प्रचार-प्रसार की कार्ययोजना तैयार करें। साथ ही स्व-गणना की निर्धारित रूपरेखा के अनुरूप सभी आवश्यक तैयारियां समय से पूर्ण कर ली जाएं।

*अधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ जनगणना कार्य पूर्ण कराने के निर्देश*

जिलाधिकारी ने कहा कि जनगणना-2027 के सफल संचालन में सभी विभागों की महत्वपूर्ण भूमिका है। इसलिए प्रत्येक अधिकारी को सौंपे गए दायित्वों का समयबद्ध ढंग से पालन करना होगा। उन्होंने प्रशिक्षण, जनजागरूकता एवं अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं की नियमित समीक्षा करने के भी निर्देश दिए, ताकि जनगणना का कार्य निर्धारित समय-सारिणी के अनुसार सुचारु रूप से संपन्न कराया जा सके।

बैठक में मुख्य विकास अधिकारी दयानंद प्रसाद, अपर जिलाधिकारी प्रमोद झा, मुख्य राजस्व अधिकारी श्रीमती रिंकी जायसवाल, संबंधित उपजिलाधिकारी, जनगणना प्रशिक्षक विनीत कुमार मिश्रा सहित अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
अमेठी : चलती ट्रेन में गर्भवती महिला ने दिया बेटे को जन्म, जच्चा -बच्चा दोनों स्वस्थ
अमेठी। दिल्ली से प्रतापगढ़ जा रही पद्मावत एक्सप्रेस में बुधवार को उस समय किलकारी गूंज उठी, जब एक गर्भवती महिला ने चलती ट्रेन में बच्चे को जन्म दिया। अमेठी रेलवे स्टेशन पहुंचने से पहले ही महिला का प्रसव हो गया। ट्रेन में मौजूद महिलाओं ने प्रसव के दौरान उसकी मदद की । रेलवे पुलिस ने अमेठी स्टेशन पर महिला और नवजात को उतारकर स्वास्थ्य विभाग को सूचना दी। इसके बाद 108 एंबुलेंस और स्वास्थ्य कर्मियों की मदद से दोनों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र अमेठी पहुंचाया गया। जहां चिकित्सकों की निगरानी में मां और नवजात दोनों स्वस्थ हैं।

प्रतापगढ़ जनपद के सांगीपुर थाना क्षेत्र के पूरे छोटी असाई, अमावा निवासी निर्मला वर्मा (35) पत्नी हरिकेश कुमार दिल्ली से प्रतापगढ़ जाने के लिए पद्मावत एक्सप्रेस में सवार हुई थीं। वह अपने पति के साथ दिल्ली में रहती हैं। मंगलवार शाम उनके पति उन्हें नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर ट्रेन में बैठाकर वापस लौट गए थे। इसके बाद निर्मला अकेले ही गर्भावस्था में प्रतापगढ़ के लिए रवाना हुई थीं। यात्रा के दौरान रास्ते में अचानक निर्मला देवी को प्रसव पीड़ा शुरू हो गई। स्थिति को देखते हुए ट्रेन में मौजूद महिलाओं ने मानवीय संवेदना का परिचय देते हुए उनकी मदद की। इसी दौरान महिला ने सामान्य प्रसव के जरिए एक बेटे को जन्म दिया। ट्रेन में बच्चे के जन्म की जानकारी मिलने पर रेलवे पुलिस सक्रिय हुई और अमेठी रेलवे स्टेशन पर ट्रेन पहुंचने पर महिला तथा नवजात को सुरक्षित उतारा गया। रेलवे पुलिस की ओर से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र अमेठी को सूचना दी गई। सूचना मिलते ही 108 एंबुलेंस और स्वास्थ्य कर्मी मौके पर पहुंचे। इसके बाद जच्चा-बच्चा को तत्काल सीएचसी अमेठी लाया गया। यहां मेडिकल ऑफिसर प्रीति सिंह की निगरानी में दोनों का उपचार और स्वास्थ्य परीक्षण किया गया।

मेडिकल ऑफिसर प्रीति सिंह ने बताया कि मां और बच्चा दोनों स्वस्थ हैं। एहतियात के तौर पर उन्हें 24 घंटे के ऑब्जर्वेशन में रखा गया है। महिला के परिजन भी अस्पताल पहुंच चुके हैं। सब कुछ सामान्य रहने पर 24 घंटे बाद दोनों को अस्पताल से छुट्टी दे दी जाएगी। नवजात की देखभाल कर रहीं नर्स सिस्टर पूनम मिश्रा ने बताया कि जब बच्चे को अस्पताल लाया गया तो उसकी नाल जुड़ी हुई थी। स्वास्थ्य कर्मियों ने आवश्यक प्रक्रिया पूरी करते हुए नाल को अलग किया और बच्चे की साफ-सफाई कर उसे दूध पिलाया। इसके बाद नवजात को वार्मर में रखा गया। उन्होंने बताया कि बच्चे का वजन 1 किलो 840 ग्राम है। नवजात सक्रिय है और उसके सभी अंग सामान्य रूप से काम कर रहे हैं। उसे आवश्यक टीके भी लगाए जा चुके हैं। चलती ट्रेन में अकेले सफर कर रही गर्भवती महिला की सुरक्षित डिलीवरी में ट्रेन की महिला यात्रियों, रेलवे पुलिस और स्वास्थ्य कर्मियों की तत्परता से मां और नवजात को समय पर चिकित्सा सुविधा मिल सकी। फिलहाल दोनों चिकित्सकों की निगरानी में हैं।