भारतीय किसान यूनियन संघर्ष मोर्चा में ठाकुर शनि प्रताप को मिली युवा जिला उपाध्यक्ष मेरठ की जिम्मेदारी

मवाना, मेरठ | 2 नवंबर 2026

आज भारतीय किसान यूनियन संघर्ष मोर्चा के राष्ट्रीय कार्यालय पर राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री अखिलेश चौधरी एवं राष्ट्रीय उपाध्यक्ष श्री अश्वनी चौहान की अध्यक्षता में संगठन की बैठक आयोजित हुई। बैठक में संगठन विस्तार एवं किसानों की समस्याओं को लेकर चर्चा की गई।

इस अवसर पर जिलाध्यक्ष ठाकुर नवनीत चौहान, जिला प्रवक्ता अजय चौहान, तहसील उपाध्यक्ष योगेंद्र सिंह चौहान, वीरसेन चौहान, यशवंत चौहान सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।

बैठक में संगठन के प्रति दो वर्षों की लगातार मेहनत, सक्रियता एवं समर्पण को देखते हुए ठाकुर शनि प्रताप को युवा जिला उपाध्यक्ष, मेरठ नियुक्त किया गया।

नई जिम्मेदारी मिलने पर ठाकुर शनि प्रताप ने राष्ट्रीय नेतृत्व का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि वह पूरी ईमानदारी और निष्ठा से अपने पद का निर्वहन करेंगे तथा किसानों के हक, सम्मान और अधिकारों की लड़ाई को मजबूती से आगे बढ़ाएंगे। साथ ही युवाओं को संगठन से जोड़ने का कार्य करेंगे।

इस अवसर पर सभी पदाधिकारियों ने उन्हें बधाई एवं शुभकामनाएं दीं।
रोजगार मेले में 485 अभ्यर्थियों को ऑफर लेटर मिले: ज्ञानपुर विधायक विपुल दुबे ने किया शुभारंभ; 25 कंपनियां 1,000 रिक्तियों के साथ शामिल हुईं

रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव


भदोही। उत्तर प्रदेश रोजगार मिशन के तहत सोमवार को ज्ञानपुर के पं. बुद्धिराम महिला डिग्री कॉलेज, इटहरा में एक दिवसीय रोजगार मेला लगा। मेले में 25 कंपनियां 1,000 रिक्तियों के साथ शामिल हुईं। कुल 485 अभ्यर्थियों को ऑफर लेटर दिए गए।

डीघ ब्लॉक में लगे मेले का शुभारंभ मुख्य अतिथि और ज्ञानपुर विधायक विपुल दुबे ने फीता काटकर किया। उन्होंने कंपनियों के प्रतिनिधियों और रोजगार के इच्छुक अभ्यर्थियों से बात की और मेले की गतिविधियों की जानकारी ली।

मेले में करीब 1,200 अभ्यर्थियों ने हिस्सा लिया। कंपनियों के प्रतिनिधियों ने शैक्षिक योग्यता, तकनीकी दक्षता, काम के अनुभव और पदों के लिए जरूरी योग्यताओं के आधार पर चयन किया। इसके बाद 485 अभ्यर्थियों को कंपनियों की ओर से ऑफर लेटर दिए गए।

विपुल दुबे ने कहा कि रोजगार के बदलते स्वरूप को देखते हुए युवाओं के लिए शिक्षा के साथ कौशल विकास, तकनीकी ज्ञान और काम से जुड़ी दक्षता जरूरी है। उन्होंने युवाओं से अपनी क्षमता और रुचि के अनुसार प्रशिक्षण लेकर रोजगार के अवसरों का लाभ उठाने की बात कही।

उन्होंने मेले के आयोजन के लिए जिला सेवायोजन कार्यालय और कौशल विकास मिशन के प्रयासों की सराहना की। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन युवाओं को रोजगार देने के साथ जिले के आर्थिक और सामाजिक विकास में भी भूमिका निभाते हैं।

कार्यक्रम में संस्थान के प्रबंधक संजय कुमार दुबे, जिला सेवायोजन अधिकारी अजीत कुमार, कौशल विकास मिशन भदोही के शैलेन्द्र कुमार, रजनीश सिंह और योगेन्द्र कुमार मौजूद रहे। जिला सेवायोजन कार्यालय से लायक हुसैन, लव कुमार मिश्र, अनिल कुमार, वीरेन्द्र कुमार और प्रभाकर सहित अन्य अधिकारी-कर्मचारी, कंपनी प्रतिनिधि और अभ्यर्थी भी शामिल हुए।
मऊ -: जनगणना को लेकर मऊ डीएम की बड़ी अपील, नागरिक करें ‘स्व-गणना’

मऊ। जनगणना प्रक्रिया को लेकर जिलाधिकारी आनंद वर्धन ने जिलेवासियों से महत्वपूर्ण अपील की है।

उन्होंने नागरिकों से जनगणना के दौरान ‘स्व-गणना’ (Self Enumeration) में भाग लेने और निर्धारित प्रक्रिया के तहत अपने परिवार की जानकारी दर्ज कराने की अपील की।

डीएम ने कहा कि जनगणना में प्रत्येक परिवार की सही एवं पूर्ण जानकारी दर्ज होना बेहद महत्वपूर्ण है।

उन्होंने नागरिकों से अपील की कि वे निर्धारित समय पर स्व-गणना की प्रक्रिया पूरी करें और गणनाकर्मियों को आवश्यक सहयोग प्रदान करें।
मऊ: बारिश से बर्बाद फसलों के मुआवजे की मांग, डीएम को सौंपा ज्ञापन
मऊ। जनपद में 28 से 30 अक्टूबर तक हुई बेमौसम बारिश और तूफान से किसानों को हुए नुकसान को लेकर भाजपा नेता एवं पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष राकेश सिंह चौहान ने जिलाधिकारी को ज्ञापन सौंपा। उन्होंने बारिश से खेतों में गिरी धान की फसल के साथ जलभराव से प्रभावित आलू, चना, मटर, मसूर और सरसों की फसलों का प्लाटवार सर्वे कराने की मांग की।

राकेश सिंह चौहान ने कहा कि बारिश से किसानों को भारी आर्थिक नुकसान हुआ है। उन्होंने प्रभावित एवं बीमित किसानों को फसल बीमा कंपनी से क्षतिपूर्ति दिलाने के साथ शासन की ओर से भी उचित मुआवजा उपलब्ध कराने की मांग की।

इसके अलावा बारिश से गिरे मकानों का सर्वे कराकर प्रभावित परिवारों को आर्थिक सहायता और आवास उपलब्ध कराने की मांग भी उठाई गई। उन्होंने किसानों की स्थिति को देखते हुए शासन से विशेष राहत पैकेज घोषित करने की अपील की।
ज्ञापन के माध्यम से जिलाधिकारी से जल्द कार्रवाई कर प्रभावित किसानों और परिवारों को राहत दिलाने का आग्रह किया गया।
उत्तर प्रदेश में तत्काल लागू हो एडवोकेट प्रोटेक्शन एक्ट

*उत्तर प्रदेश: न्याय की आवाज को गोलियों और अपराध से नहीं दबाया जा सकता : राकेश शरण मिश्र*

*कालपी बार एसोसिएशन के अध्यक्ष गया दीन अहिरवार एडवोकेट की हत्या से अधिवक्ता समाज में आक्रोश, दोषियों पर रासुका लगाने एवं पीड़ित परिवार को एक करोड़ रुपये मुआवजा देने की मांग*




सोनभद्र। कालपी बार एसोसिएशन के अध्यक्ष गया दीन अहिरवार एडवोकेट के अपहरण के उपरांत उनकी नृशंस हत्या किए जाने की घटना पर संयुक्त अधिवक्ता महासंघ उत्तर प्रदेश ने गहरा शोक एवं आक्रोश व्यक्त किया है। महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष राकेश शरण मिश्र ने इस जघन्य घटना की कड़े शब्दों में निंदा करते हुए कहा कि यह केवल एक अधिवक्ता की हत्या नहीं है, बल्कि न्याय की आवाज को हमेशा के लिए खामोश करने का कायरतापूर्ण प्रयास है।

उन्होंने कहा कि अधिवक्ता समाज न्यायपालिका और लोकतांत्रिक व्यवस्था का महत्वपूर्ण स्तंभ है। अधिवक्ता समाज के कमजोर, पीड़ित एवं शोषित लोगों को न्याय दिलाने के लिए निरंतर संघर्ष करता है। यदि बार एसोसिएशन का निर्वाचित अध्यक्ष ही सुरक्षित नहीं है तो प्रदेश में अधिवक्ताओं की सुरक्षा की स्थिति का सहज ही अंदाजा लगाया जा सकता है। मिश्र ने उत्तर प्रदेश सरकार से मांग की है कि, अधिवक्ता गया दीन अहिरवार की हत्या में शामिल सभी दोषियों एवं षड्यंत्रकारियों को तत्काल गिरफ्तार किया जाए। दोषियों के विरुद्ध कठोरतम कार्रवाई करते हुए विधिक आधार उपलब्ध होने पर राष्ट्रीय सुरक्षा अधिनियम (रासुका) लगाया जाए।
दिवंगत अधिवक्ता के परिवार को कम से कम एक करोड़ रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान की जाए। परिवार के एक पात्र सदस्य को सरकारी नौकरी प्रदान की जाए। उत्तर प्रदेश में अधिवक्ता सुरक्षा कानून (एडवोकेट प्रोटेक्शन एक्ट) तत्काल प्रभाव से लागू किया जाए। प्रदेश के सभी जनपदों में अधिवक्ताओं की सुरक्षा के लिए विशेष एवं प्रभावी व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
प्रदेशध्यक्ष ने कहा कि अधिवक्ताओं पर लगातार हो रहे हमले और हत्याएं पूरे अधिवक्ता समाज के लिए गंभीर चेतावनी हैं। अब केवल शोक व्यक्त करने और आश्वासन देने से काम नहीं चलेगा। सरकार को अधिवक्ताओं की सुरक्षा के लिए ठोस कानून एवं प्रभावी कार्रवाई करनी होगी। उन्होंने प्रदेश के समस्त अधिवक्ता संगठनों एवं बार एसोसिएशनों से भी इस दुर्भाग्यपूर्ण घटना के विरोध में एकजुट होकर आवाज उठाने की अपील की। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर न्याय की लड़ाई लड़ने वाले अधिवक्ताओं को न्याय कब मिलेगा? अधिवक्ता समाज कब तक असुरक्षा के साये में काम करने को मजबूर रहेगा? संयुक्त अधिवक्ता महासंघ उत्तर प्रदेश दिवंगत अधिवक्ता गया दीन अहिरवार को विनम्र श्रद्धांजलि अर्पित करता है और शोकाकुल परिवार के साथ पूरी संवेदना एवं एकजुटता व्यक्त करता है।
थाना उमरीबेगमगंज पुलिस द्वारा चोरी की घटनाओं का अनावरण, 03 शातिर चोर गिरफ्तार, 08 लिथियम बैटरी (अनुमानित कीमत 7,20,000/-), 03 मोटरसाइकिल व चोरी

*घटना का संक्षिप्त विवरण-*
गोण्डा। थाना उमरी बेगमगंज क्षेत्रान्तर्गत ग्राम अल्लीपुर बनुआ में स्थापित इंडस टावर (साइट आईडी- IN-1137186) से दिनांक 11/12.10.2026 की रात्रि में अज्ञात चोरों द्वारा बैटरी कैबिनेट का ताला काटकर 100 AH क्षमता की 08 अदद अमरान कंपनी की लिथियम बैटरी चोरी कर ली गई थी। उक्त घटना के संबंध में निशा सुरक्षा सर्विस प्रा0लि0 के जिला सुरक्षा अधिकारी पंकज कुमार सिंह की लिखित तहरीर के आधार पर थाना उमरीबेगमगंज में सुसंगत धाराओं में अभियोग पंजीकृत किया गया था।

*कार्यवाही-*
दिनांक 01.11.2026 को थानाध्यक्ष उमरी बेगमगंज मय पुलिस टीम द्वारा क्षेत्र में देखभाल, लंबित विवेचनाओं के निस्तारण एवं वांछित अभियुक्तों की तलाश हेतु रवाना थे। इसी दौरान मुखबिर खास से सूचना प्राप्त हुई कि चोरी की घटना में संलिप्त व्यक्ति पसका की तरफ से बनुवा बांध होते हुए बरौली मार्ग की ओर मोटरसाइकिल से आ रहे हैं।प्राप्त सूचना पर पुलिस टीम द्वारा बनुवा से बरौली मार्ग स्थित मोड़ पर घेराबंदी कर संदिग्ध वाहनों की चेकिंग प्रारम्भ की गई। इसी दौरान एक लाल रंग की अपाचे मोटरसाइकिल पर सवार दो व्यक्तियों उत्कर्ष सिंह तथा अमित सिंह को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से एक अदद लिथियम बैटरी, चोरी की अपाचे मोटरसाइकिल व उनकी निशानदेही पर ग्राम मंगुरा बाजार स्थित सावन सिंह के खेत पर झाड़ियों में छिपाकर रखी गई 07 अदद अन्य लिथियम बैटरी तथा 02 अदद मोटरसाइकिल बरामद की गई। मोटरसाइकिल की डिग्गी की तलाशी लेने पर चोरी में प्रयुक्त उपकरण एक अदद नीले रंग का कटर, एक अदद हरे रंग का कटर, 03 अदद रिंच, एक अदद लाल रंग का पेचकस एवं एक अदद नीले रंग का प्लास बरामद हुआ तथा मौके से सावन सिंह उर्फ शिवा को भी गिरफ्तार किया गया। इस प्रकार पुलिस टीम द्वारा कुल 03 अभियुक्तों को गिरफ्तार करते हुए चोरी की गई 08 अदद लिथियम बैटरी, 03 अदद मोटरसाइकिल, ₹5,000/- नकद एवं चोरी में प्रयुक्त उपकरण बरामद किए गए। गिरफ्तार अभियुक्तगणों के विरुद्ध थाना उमरीबेगमगंज पुलिस द्वारा अग्रिम विधिक कार्यवाही कर माननीय न्यायालय रवाना किया गया।

*पूछताछ का विवरण-*
गिरफ्तार अभियुक्तों से विस्तृत पूछताछ करने पर उनके द्वारा बताया गया कि वे कुल 05 लोग मिलकर चोरी की घटनाओं को अंजाम देते थे। अभियुक्तों ने अपने अन्य साथियों के साथ मिलकर दिनांक 11/12.10.2026 की रात्रि में ग्राम अल्लीपुर बनुआ स्थित वोडाफोन-एयरटेल/इंडस टावर से 08 अदद लिथियम बैटरी चोरी करना स्वीकार किया। इसके अतिरिक्त अभियुक्तों द्वारा बताया गया कि दिनांक 21/22.09.2026 की रात्रि में ग्राम लक्ष्मनपुरवा स्थित टावर से 03 अदद लिथियम बैटरी तथा दिनांक 29/30.09.2026 की रात्रि में थाना परसपुर क्षेत्र के ग्राम मलाव स्थित इंडस टावर से 06 अदद लिथियम बैटरी चोरी की गई थीं। इन दोनों घटनाओं में भी अभियुक्तों ने अपनी संलिप्तता बताई।अभियुक्तों ने यह भी बताया कि दिनांक 29.09.2026 की शाम को उनके द्वारा थाना परसपुर क्षेत्र के मोहना पाण्डेय पुरवा के पास से एक सैमसंग A17 5G मोबाइल फोन छीन लिया गया था। पकड़े जाने के डर से उक्त मोबाइल फोन को तोड़कर किसी अज्ञात स्थान पर फेंक दिया गया। इसके अतिरिक्त पूछताछ में अभियुक्तों द्वारा दिनांक 03.06.2026 की रात्रि में थाना नवाबगंज क्षेत्रान्तर्गत बाबा गयादीन वैद्य बाबूराम महाविद्यालय से एक इन्वर्टर एवं बैटरी चोरी करने की बात बताई गई। अभियुक्तों ने बताया कि चोरी किए गए इन्वर्टर एवं बैटरी को लगभग एक सप्ताह पूर्व एक अज्ञात कबाड़ी को ₹6,000/- में बेच दिया था तथा प्राप्त धनराशि को आपस में ₹2,000-₹2,000 बांट लिया था।
सर्वेश कुमार मिश्र यथार्थ के साधक: विनय शर्मा दीप
प्रयागराज । साहित्य की अनमोल विरासत लिए प्रयागराज अपनी संस्कृति के लिए जानी पहचानी जाती है। इतना ही नहीं गंगा जमुना सरस्वती का त्रिवेणी संगम, ऐतिहासिक विरासत, शैक्षणिक धरातल, राजनीतिक जामा के लिए भी चर्चित है। ऐसे मिट्टी में एक ऐसे साहित्यकार, कलमकार, लेखक एवं कवि का जन्म होता है जिसका नाम ही सबका स्वामी शिव अर्थात सर्वेश कुमार मिश्र है जिन्होंने यथार्थवाद को अपनाया और अपनी बुद्धिमत्ता और तार्किक अंदाज में सच को लाकर सभी के समक्ष रखा।आप गंभीर, विचारशील समाज सुधारक के रुप में लेखक बनकर समाज को आइना दिखाने का कार्य किया।आपकी चर्चित पुस्तक अंतर्मन की काव्य यात्रा ' यथार्थ ' वास्तव में सारगर्भित काव्य संग्रह है। आपके द्वारा लिखित गणेश वंदना,मां- पिता एवं बेटी की कविता ने हृदय झंकृत कर दिया।इसी तरह गुरु की महिमा, श्रद्धा, व्यवहार, युवा शक्ति, नशा मुक्ति, रोटी, बुढ़ापा,बचपन,बेरोजगारी, आस्तीन का सांप,चुनौती, मनोव्यथा, बेवफा, नसीहत, छलावा जैसी अनेक कविताएं यथार्थ को जन्म देती है। यथार्थ काव्य संग्रह पठन योग्य है जो समाज को उर्वरा शक्ति प्रदान करते हुए जनजागरण का कार्य करेगी। मुंबई के चर्चित कवि एवं पत्रकार विनय शर्मा दीप को सर्वेश कुमार मिश्र ने अपनी पुस्तक यथार्थ भेंट किया। दीप ने कहा आपकी लेखनी को एवं आपको बहुत-बहुत शुभकामनाएं भविष्य में भी आप इसी तरह की रचनाएं जनमानस तक लाएं तथा साहित्य को शक्ति प्रदान करते हुए समाज को जगाने का कार्य करें।
फसल अवशेष जलाने के दुष्परिणामों व उस पर लगने वाले  जुर्माने के प्रति किसानों को जागरूक करने हेतु प्रचार वाहन को डीएम ने हरी झंडी दिखाकर किया रवा
देवरिया, 02 नवंबर। M N पा़ंडेय ।
            फसल अवशेष प्रबंधन के प्रति किसानों को जागरूक करने तथा पराली जलाने से होने वाले दुष्परिणामों की जानकारी देने के उद्देश्य से जिलाधिकारी मधुसूदन हुल्गी ने सोमवार को कलेक्ट्रेट परिसर से प्रचार वाहन को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। यह अभियान ‘प्रमोशन ऑफ एग्रीकल्चरल मैकेनाइजेशन फॉर इन-सीटू मैनेजमेंट ऑफ क्रॉप रेजिड्यू’ योजना के अंतर्गत संचालित किया जा रहा है।
         प्रचार वाहन 02 नवंबर से 16 नवंबर 2026 तक जनपद के सभी विकास खंडों की ग्राम पंचायतों में भ्रमण कर किसानों को फसल अवशेष न जलाने के प्रति जागरूक करेगा। इस दौरान किसानों को पराली जलाने से मिट्टी की उर्वरा शक्ति पर पड़ने वाले प्रतिकूल प्रभाव, खेतों में मौजूद लाभकारी मित्र कीटों एवं सूक्ष्मजीवों के नष्ट होने तथा पर्यावरण को होने वाले नुकसान के बारे में जानकारी दी जाएगी।
       जिलाधिकारी ने कृषकों से अपील की कि वे फसल अवशेषों को खेतों में न जलाएं, बल्कि उनका उचित प्रबंधन करें। उन्होंने बताया कि पराली जलाने से मिट्टी की उर्वरा शक्ति प्रभावित होती है और कृषि के लिए उपयोगी मित्र कीट एवं लाभकारी जीवाणु नष्ट हो जाते हैं। इससे पर्यावरण प्रदूषित होने के साथ ही कृषि उत्पादन पर भी प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है।
उन्होंने बताया कि फसल अवशेष जलाना दंडनीय है। राष्ट्रीय हरित अधिकरण (एनजीटी) के निर्धारित प्रावधानों के अनुसार, फसल अवशेष जलाने पर दो एकड़ से कम क्षेत्रफल वाले किसानों पर प्रति घटना 5,000 रुपये, दो से पांच एकड़ तक के किसानों पर 10,000 रुपये तथा पांच एकड़ से अधिक क्षेत्रफल वाले किसानों पर 30,000 रुपये का पर्यावरणीय क्षतिपूर्ति शुल्क निर्धारित है। उन्होंने किसानों से इन दंडात्मक प्रावधानों को ध्यान में रखते हुए फसल अवशेषों का उचित प्रबंधन करने तथा पर्यावरण संरक्षण में सहयोग करने की अपील की।
भारतीय किसान यूनियन भानू की समीक्षा बैठक में आगामी आंदोलन का शंखनाद, 18 नवंबर को जिलाधिकारी कार्यालय घेराव का ऐलान
_सुबह 10 बजे नैनी नये पुल के नीचे जुटेंगे किसान, पैदल कूच कर पहुंचेंगे डीएम कार्यालय, हजारों से अधिक किसानों के जुटने की उम्मीद_

प्रयागराज

Sb न्यूज से ब्यूरो चीफ विश्वनाथ प्रताप सिंह
रविवार को भारतीय किसान यूनियन भानू की एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में वैचारिक मंथन के साथ-साथ आगामी संघर्ष का शंखनाद किया गया। संगठन के समस्त समर्पित पदाधिकारियों की उपस्थिति में आगामी 18 तारीख को होने वाले जिलाधिकारी कार्यालय के घेराव की रणनीतिक रूपरेखा को अंतिम रूप दिया गया।

बैठक में तय किया गया कि *18 तारीख को सुबह 10 बजे सभी किसान, कार्यकर्ता और पदाधिकारी नैनी के नये पुल के नीचे इकट्ठा होंगे और वहां से पैदल मार्च करते हुए जिलाधिकारी कार्यालय तक पहुंचेंगे और घेराव करेंगे।* पदाधिकारियों ने कहा कि यह घेराव किसान चेतना की एक नई इबारत लिखेगा।

बैठक में भिटारिया, पिपराव सहित विभिन्न गांवों में चकमार्ग और तालाबों पर हो रहे अवैध कब्जे, राजस्व विभाग की लापरवाही जैसे मुद्दों को जोरदार तरीके से उठाने पर चर्चा हुई। संगठन का दावा है कि इस घेराव में पूरे प्रयागराज जिले से करीब  हजारों से अधिक किसान शामिल होंगे।

बैठक में संगठन को मजबूत करने के लिए बड़ा निर्णय लेते हुए *भानू प्रताप सिंह को प्रयागराज जिला उपाध्यक्ष तथा जिला मीडिया प्रभारी नियुक्त किया गया।* उनकी नियुक्ति पर सभी पदाधिकारियों ने हर्ष व्यक्त किया।

बैठक का क्षण उस समय अत्यंत गौरवमयी हो गया, जब संगठन के कोरांव क्षेत्र के जिला विधिक सलाहकार बालेश्वरी पटेल का बार एसोसिएशन कोरांव के चुनाव में वरिष्ठ उपाध्यक्ष के पद पर जीत के बाद आगमन हुआ। संपूर्ण सदन ने उनका माल्यार्पण कर आत्मीय अभिनंदन किया।
हस्तिनापुर-चांदपुर मार्ग पर गहरे गड्ढे बने हादसों का कारण, PWD की लापरवाही पर उठे सवाल
पांच दिन पहले सड़क हादसे में हो चुकी है एक व्यक्ति की मौत, तहसीलदार के निरीक्षण और निर्देशों के बावजूद मरम्मत का इंतजार

हस्तिनापुर। हस्तिनापुर से चांदपुर को जोड़ने वाले संपर्क मार्ग की बदहाल स्थिति वाहन चालकों और स्थानीय लोगों के लिए मुसीबत बनी हुई है। सड़क पर जगह-जगह बने गहरे गड्ढे लगातार हादसों को दावत दे रहे हैं। पांच दिन पहले इसी मार्ग पर हुए सड़क हादसे में एक व्यक्ति की दर्दनाक मौत हो चुकी है। इसके बावजूद लोक निर्माण विभाग (PWD) की ओर से सड़क की मरम्मत को लेकर कोई ठोस कार्रवाई दिखाई नहीं दे रही है। विभाग की इस कार्यशैली को लेकर क्षेत्रवासियों में नाराजगी है।
हस्तिनापुर-चांदपुर मार्ग क्षेत्र के दर्जनों गांवों को जोड़ने वाला महत्वपूर्ण रास्ता है। इस मार्ग से प्रतिदिन सैकड़ों की संख्या में दोपहिया वाहन, कार, ट्रैक्टर और भारी वाहन गुजरते हैं। सड़क पर बने गहरे गड्ढों के कारण वाहन चालकों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कई बार गड्ढों से बचने के प्रयास में वाहन अनियंत्रित हो जाते हैं, जिससे दुर्घटना होने का खतरा बना रहता है।
रात के समय बढ़ जाता है हादसों का खतरा
स्थानीय लोगों का कहना है कि दिन के समय तो वाहन चालक किसी तरह गड्ढों को देखकर बच निकलते हैं, लेकिन रात में पर्याप्त रोशनी नहीं होने के कारण सड़क के गड्ढे दिखाई नहीं देते। ऐसे में दोपहिया वाहन चालकों के लिए यह मार्ग बेहद जोखिमभरा हो जाता है। लोगों का कहना है कि सड़क की समय रहते मरम्मत कराई जाती तो शायद हादसों को रोका जा सकता था।
तहसीलदार ने दिए थे मरम्मत के निर्देश
जानकारी के अनुसार, दो दिन पहले मवाना तहसीलदार निरंकार सिंह ने हस्तिनापुर-चांदपुर मार्ग का निरीक्षण किया था। निरीक्षण के दौरान उन्होंने लोक निर्माण विभाग के अधिकारियों को सड़क की स्थिति सुधारने और गड्ढों को जल्द भरवाने के निर्देश दिए थे। इसके बावजूद अभी तक मरम्मत कार्य शुरू नहीं होने से विभाग की कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं।
PWD की जवाबदेही तय करने की मांग
क्षेत्रवासियों ने प्रशासन और लोक निर्माण विभाग से जल्द से जल्द सड़क के गड्ढे भरवाने तथा पूरे मार्ग की गुणवत्ता के साथ मरम्मत कराने की मांग की है। उनका कहना है कि केवल खानापूर्ति करने के बजाय सड़क का स्थायी समाधान किया जाए, ताकि भविष्य में किसी अन्य परिवार को सड़क हादसे में अपनों को न खोना पड़े। अब देखना होगा कि प्रशासन के निर्देशों के बाद विभाग कब तक कार्रवाई करता है।