रांची पुलिस लाइन में अनुशासन का बड़ा डंडा: जुए के खेल में शामिल 10 जवान निलंबित, विभागीय जांच शुरू

रांची: झारखंड की राजधानी रांची से पुलिस विभाग के भीतर अनुशासनहीनता और प्रशासनिक लापरवाही का एक गंभीर मामला सामने आया है। रांची पुलिस लाइन परिसर के भीतर नियमों की धज्जियां उड़ाते हुए अवैध रूप से जुआ खेलने के मामले में सख्त रुख अपनाते हुए 10 पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है। इन सभी जवानों पर अपनी वर्दी और विभाग की गरिमा के विरुद्ध जाकर इस तरह की गतिविधियों में संलिप्त रहने का गंभीर आरोप है। निलंबन की इस बड़ी कार्रवाई के साथ ही इन सभी के विरुद्ध विभागीय और अनुशासनात्मक जांच की प्रक्रिया भी विधिवत रूप से आरंभ कर दी गई है।

कैसे खुला राज? इस तरह सामने आया पूरा मामला

विश्वसनीय सूत्रों से प्राप्त जानकारी के अनुसार, पिछले कुछ दिनों से लगातार उच्चाधिकारियों तक यह गंभीर फीडबैक पहुंच रहा था कि पुलिस लाइन के भीतरी परिसरों में कुछ पुलिसकर्मियों द्वारा संगठित तरीके से अवैध रूप से जुए का खेल संचालित किया जा रहा है।

इन गोपनीय शिकायतों और कानाफूसी को विभागीय स्तर पर अत्यंत गंभीरता से लिया गया। चूंकि मामला सीधे तौर पर कानून के रखवालों की कार्यप्रणाली और अनुशासन से जुड़ा था, इसलिए स्थिति की संवेदनशीलता को भांपते हुए वरिष्ठ अधिकारियों की देखरेख में एक विशेष दल का गठन किया गया। इस दल ने पूरी गोपनीयता बरतते हुए एक सुनियोजित योजना तैयार की और अचानक उक्त परिसर में औचक दबिश (छापेमारी) दी।

मौके पर रंगे हाथ धरे गए आरोपी कर्मी

अचानक हुई इस प्रशासनिक कार्रवाई से पूरे पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया। पुलिस दल ने निर्धारित स्थल की त्वरित घेराबंदी की और मौके से 10 पुलिसकर्मियों को रंगे हाथ जुआ खेलते हुए धर दबोचा।

यह घटना इसलिए भी अधिक चर्चा का विषय बनी हुई है क्योंकि जिन कंधों पर कानून-व्यवस्था बनाए रखने और समाज में जुआ जैसी कुप्रथाओं पर लगाम कसने की जिम्मेदारी है, वे खुद ऐसी अनैतिक गतिविधियों में संलिप्त पाए गए। इस कृत्य से पुलिस विभाग की छवि को भारी ठेस पहुंची है, जिसे लेकर उच्च स्तर पर कड़ी नाराजगी जताई गई है।

प्रशासनिक पुष्टि और आगे की सख्त कार्रवाई के संकेत

इस पूरे घटनाक्रम पर आधिकारिक पुष्टि करते हुए सार्जेंट मेजर आनंद राज खलखो ने घटना की सत्यता को स्वीकार किया। उन्होंने मीडिया को जानकारी दी कि अनुशासनहीनता के इस इस प्रकरण पर त्वरित संज्ञान लेते हुए संबंधित लापरवाह कर्मियों के खिलाफ सख्त अनुशासनात्मक कदम उठाया गया है। सभी 10 जवानों को तत्काल प्रभाव से सेवा से निलंबित कर दिया गया है और उनके विरुद्ध विभागीय जांच शुरू कर दी गई है।

प्रशासनिक गलियारों से यह स्पष्ट संकेत मिल रहे हैं कि इस जांच के निष्कर्षों और रिपोर्ट के आधार पर भविष्य में इन कर्मियों के खिलाफ और भी कठोर सेवा-नियम संबंधी कानूनी व प्रशासनिक कदम उठाए जा सकते हैं। विभाग का मुख्य उद्देश्य इस प्रकार की घटनाओं पर कड़ा अंकुश लगाना है, ताकि भविष्य में पुलिस लाइन जैसे संवेदनशील परिसरों में इस तरह की शर्मनाक पुनरावृत्ति दोबारा न हो सके।

पीवीयूएनएल द्वारा सामुदायिक विकास कार्यक्रम के अंतर्गत पतरातू क्षेत्र को तालाब एवं एएलएस एम्बुलेंस की सौगात

पतरातू, 31 अक्टूबर 2026। पीवीयूएनएल, पतरातू द्वारा सामुदायिक विकास एवं जनकल्याण के प्रति अपनी प्रतिबद्धता को आगे बढ़ाते हुए आज सामुदायिक विकास कार्यक्रम के अंतर्गत पतरातू क्षेत्र में विभिन्न सुविधाओं का प्रावधान किया गया। इस अवसर पर माननीय सांसद श्री मनीष जायसवाल एवं माननीय विधायक, बड़कागांव श्री रोशन लाल चौधरी की उपस्थिति में पतरातू क्षेत्र के विकास एवं जनसुविधाओं को ध्यान में रखते हुए जोड़ा तालाब एवं पांडे तालाब के विकास तथा पतरातू प्रखंड को एक एएलएस (Advanced Life Support) एम्बुलेंस प्रदान की गई।

इस अवसर पर पीवीयूएनएल के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) श्री ए.के. सहगल भी उपस्थित रहे।

तालाबों के विकास से क्षेत्र में जल संरक्षण एवं स्थानीय समुदाय को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने में सहायता मिलेगी। वहीं, एएलएस एम्बुलेंस की उपलब्धता से आपातकालीन चिकित्सा सेवाओं को मजबूती मिलेगी तथा जरूरतमंद लोगों को समय पर बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराने में मदद मिलेगी।

पीवीयूएनएल द्वारा की गई यह पहल क्षेत्र के समग्र विकास, सामुदायिक कल्याण एवं स्थानीय नागरिकों के जीवन स्तर को बेहतर बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।

सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती पर भाजयुमो रांची महानगर ने आयोजित किया ‘रन फॉर यूनिटी’ कार्यक्रम, एकता और अखंडता का दिया संदेश

रांची। लौह पुरुष भारत रत्न सरदार वल्लभभाई पटेल जी की जयंती के अवसर पर आज भारतीय जनता युवा मोर्चा, रांची महानगर के तत्वावधान में ओटीसी मैदान में भव्य ‘रन फॉर यूनिटी’ (एकता दौड़) कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता युवा मोर्चा रांची महानगर अध्यक्ष रोमित नारायण सिंह ने की।

कार्यक्रम की शुरुआत सरदार वल्लभभाई पटेल जी के चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित एवं माल्यार्पण कर की गई। इस अवसर पर उपस्थित नेताओं एवं कार्यकर्ताओं ने उनके व्यक्तित्व, कृतित्व और राष्ट्र निर्माण में उनके अतुलनीय योगदान को याद करते हुए उनके जीवन से प्रेरणा लेने का संकल्प लिया।

इसके पश्चात ओटीसी मैदान से रन फॉर यूनिटी दौड़ का शुभारंभ हुआ, जिसमें सैकड़ों की संख्या में युवाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। युवाओं की यह दौड़ ओटीसी ग्राउंड से प्रारंभ होकर बाजार समिति क्षेत्र तक आयोजित की गई। पूरे आयोजन के दौरान युवाओं ने राष्ट्रीय एकता, सामाजिक समरसता, अखंडता और राष्ट्र के प्रति समर्पण का संदेश दिया।

शशांक राज ने कहा – सरदार पटेल के सपनों का भारत बनाने में युवाओं की भूमिका महत्वपूर्ण

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए भारतीय जनता युवा मोर्चा झारखंड प्रदेश अध्यक्ष शशांक राज ने कहा कि सरदार वल्लभभाई पटेल जी केवल एक महान स्वतंत्रता सेनानी ही नहीं, बल्कि आधुनिक भारत के शिल्पकार थे। उन्होंने अपनी दृढ़ इच्छाशक्ति, दूरदर्शिता और नेतृत्व क्षमता से देश की 562 से अधिक रियासतों का एकीकरण कर भारत को एक सूत्र में पिरोने का ऐतिहासिक कार्य किया।

उन्होंने कहा कि रन फॉर यूनिटी केवल एक दौड़ नहीं, बल्कि एक भारत, श्रेष्ठ भारत और अखंड भारत के संकल्प को दोहराने का अवसर है। आज देश के युवाओं को सरदार पटेल के विचारों और आदर्शों को आत्मसात करते हुए राष्ट्र की एकता, अखंडता और संप्रभुता को मजबूत करने में अपनी भूमिका निभानी होगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार सरदार पटेल की विरासत और उनके राष्ट्र निर्माण में योगदान को उचित सम्मान देने का कार्य कर रही है। स्टैच्यू ऑफ यूनिटी इसका एक ऐतिहासिक उदाहरण है। आज का युवा विकसित भारत के निर्माण में अपनी ऊर्जा और प्रतिभा का योगदान देने के लिए संकल्पित है।

वरुण साहू ने कहा – सरदार पटेल का जीवन राष्ट्र की एकता और समर्पण की प्रेरणा

भाजपा रांची महानगर अध्यक्ष वरुण साहू ने कहा कि सरदार वल्लभभाई पटेल जी का संपूर्ण जीवन राष्ट्रसेवा, दृढ़ संकल्प और एकता का प्रतीक है। उन्होंने अपनी इच्छाशक्ति और कुशल नेतृत्व से देश को एकजुट करने का ऐतिहासिक कार्य किया, जिसे भारत कभी भुला नहीं सकता।

उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार ने सरदार पटेल जी के योगदान को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने का कार्य किया है। स्टैच्यू ऑफ यूनिटी का निर्माण और राष्ट्रीय एकता दिवस के माध्यम से उनके विचारों को जन-जन तक पहुंचाने का प्रयास सराहनीय है। उन्होंने युवाओं से आह्वान किया कि वे जाति, भाषा और क्षेत्रीय भेदभाव से ऊपर उठकर एक भारत, श्रेष्ठ भारत और अखंड भारत के निर्माण में सहभागी बनें। विकसित भारत का सपना तभी साकार होगा, जब देश का प्रत्येक नागरिक राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखेगा।

रोमित नारायण सिंह ने कहा – एकता की दौड़ से युवाओं में राष्ट्रभक्ति और राष्ट्रीय चेतना का होगा संचार

कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे युवा मोर्चा रांची महानगर अध्यक्ष रोमित नारायण सिंह ने कहा कि सरदार वल्लभभाई पटेल जी का जीवन हम सभी युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत है। उन्होंने जिस अदम्य इच्छाशक्ति और दूरदर्शिता के साथ देश की रियासतों का एकीकरण कर अखंड भारत की नींव को मजबूत किया, वह सदैव स्मरणीय रहेगा।

उन्होंने कहा कि रन फॉर यूनिटी का उद्देश्य केवल दौड़ का आयोजन करना नहीं, बल्कि युवाओं के भीतर राष्ट्रीय एकता, अखंडता, सामाजिक समरसता और राष्ट्रभक्ति की भावना को मजबूत करना है। आज आवश्यकता है कि देश का युवा सरदार पटेल जी के विचारों को अपने जीवन में उतारे और राष्ट्र निर्माण में अपनी सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करे।

रोमित नारायण सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार ने सरदार पटेल जी को वह राष्ट्रीय सम्मान और पहचान दिलाने का कार्य किया है, जिसके वे वास्तविक हकदार थे। स्टैच्यू ऑफ यूनिटी के माध्यम से आज पूरी दुनिया भारत की एकता और सरदार पटेल के ऐतिहासिक योगदान को देख रही है। उन्होंने कहा कि हमारा संकल्प है कि एक भारत, श्रेष्ठ भारत, अखंड भारत के विचार को जन-जन तक पहुंचाते हुए विकसित भारत के निर्माण में युवा शक्ति अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाए।

उन्होंने कार्यक्रम में शामिल सभी युवाओं, पार्टी पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि युवाओं की यह भागीदारी राष्ट्र के प्रति उनके समर्पण और जिम्मेदारी को दर्शाती है।

कार्यक्रम में इनकी रही प्रमुख उपस्थिति

इस अवसर पर मुख्य रूप से भाजपा रांची महानगर उपाध्यक्ष संकेत तिवारी, महामंत्री जितेंद्र वर्मा, युवा मोर्चा रांची महानगर उपाध्यक्ष रणजीत नाथ शाहदेव, महामंत्री सचिन साहू, तरुण दास, धर्मवीर सिंह, सनी सिंह राजपूत, नीरज कुमार, अमित दुबे, शुभम जायसवाल , संजीव चौधरी सहित युवा मोर्चा के अनेक पदाधिकारी, कार्यकर्ता एवं सैकड़ों की संख्या में युवा उपस्थित रहे।

कार्यक्रम का समापन राष्ट्र की एकता, अखंडता और संप्रभुता को अक्षुण्ण बनाए रखने तथा सरदार वल्लभभाई पटेल के आदर्शों पर चलने के संकल्प के साथ हुआ।

रांची में जिला जल एवं स्वच्छता समिति की बैठक, डीसी मंजूनाथ भजंत्री ने गुणवत्ता और समय पर कार्य पूरा करने के दिए निर्देश

जिला दण्डाधिकारी-सह-उपायुक्त, रांची श्री मंजूनाथ भजन्त्री की अध्यक्षता में आज दिनांक 31.10.2026 को समाहरणालय स्थित सभागार में जिला जल एवं स्वच्छता समिति की समीक्षात्मक बैठक आयोजित की गई। बैठक में जल जीवन मिशन (JJM) एवं स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) (SBM-G) के तहत जिले में संचालित विभिन्न योजनाओं की प्रगति की विस्तृत समीक्षा करते हुए संबंधित पदाधिकारियों एवं अभियंताओं को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।

बैठक में उप विकास आयुक्त, रांची श्री संजय भगत, जिला शिक्षा पदाधिकारी श्री बादल राज, पेयजल एवं स्वच्छता प्रमंडल रांची पूर्वी एवं पश्चिमी के कार्यपालक अभियंता, सहायक अभियंता एवं कनीय अभियंता, जिला पंचायती राज पदाधिकारी, जिला समन्वयक, प्रखंड समन्वयक सहित अन्य संबंधित पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित थे।

बैठक के दौरान जिला दण्डाधिकारी-सह-उपायुक्त श्री मंजूनाथ भजन्त्री ने जल जीवन मिशन की प्रमंडलवार प्रगति की समीक्षा की। पूर्वी एवं पश्चिमी दोनों प्रमंडलों में संचालित MVS (Multi Village Scheme) एवं SVS (Single Village Scheme) के कार्यों की स्थिति एवं लंबित कार्यों की जानकारी लेते हुए उन्हें निर्धारित समयसीमा के भीतर पूर्ण करने का निर्देश दिया गया।

योजनाओं की गुणवत्ता एवं भौतिक सत्यापन पर विशेष जोर

जिला दण्डाधिकारी-सह-उपायुक्त ने सभी सहायक अभियंताओं एवं कनीय अभियंताओं को निर्देश दिया कि जल जीवन मिशन के अंतर्गत संचालित कार्यों की गुणवत्ता से किसी भी स्तर पर समझौता नहीं किया जाए। उन्होंने नियमित स्थल निरीक्षण करते हुए कार्यों की गुणवत्ता एवं प्रगति की निगरानी करने को कहा।

उन्होंने योजनाओं से संबंधित डॉक्यूमेंटेशन को अद्यतन रखने तथा कार्यों का भौतिक सत्यापन (Physical Verification) अनिवार्य रूप से सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। JJM के अंतर्गत विभिन्न योजनाओं की प्रगति के साथ-साथ SVS क्लस्टर प्रोग्रेस की भी समीक्षा की गई। संबंधित JEs एवं अभियंताओं को स्थल पर जाकर योजनाओं का भौतिक सत्यापन करने का निर्देश दिया गया।

SBM-G के तहत IHHL निर्माण की प्रगति की समीक्षा

स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) की समीक्षा के क्रम में चालू वित्तीय वर्ष के निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप व्यक्तिगत घरेलू शौचालय (IHHL) निर्माण की प्रखंडवार स्थिति की जानकारी ली गई। जिला दण्डाधिकारी-सह-उपायुक्त ने पात्र लाभुकों का शीघ्र चयन करते हुए निर्माण कार्य में तेजी लाने का निर्देश दिया। उन्होंने लाभुकों के चयन की प्रक्रिया में ऑनलाइन माध्यम के प्रभावी उपयोग पर भी जोर दिया।

मॉडल विलेज के कार्यों में तेजी लाने का निर्देश

बैठक में मॉडल विलेज की प्रगति की भी समीक्षा की गई। जिला दण्डाधिकारी-सह-उपायुक्त ने संबंधित अधिकारियों को शेष गांवों में निर्धारित मानकों के अनुरूप कार्यों को और बेहतर बनाने तथा लंबित कार्यों में तेजी लाने का निर्देश दिया।

उन्होंने कहा कि मॉडल विलेज के रूप में विकसित किए जा रहे गांवों में सभी आवश्यक कार्यों की गुणवत्ता सुनिश्चित करते हुए भौतिक सत्यापन की प्रक्रिया में तेजी लाई जाए। निर्धारित मानकों के अनुरूप कार्य पूर्ण होने के बाद उसका स्थल पर सत्यापन सुनिश्चित करने तथा कमियों को चिह्नित कर तत्काल सुधार कराने का निर्देश भी दिया गया।

उपायुक्त ने बैठक में जल गुणवत्ता जांच की विस्तृत समीक्षा की। बैठक में उन्होंने संबंधित विभागों के अधिकारियों से जल स्रोतों की नियमित जांच, नमूनों की रिपोर्टिंग और गुणवत्ता मानकों के अनुपालन की स्थिति पर जानकारी ली।

समीक्षा के दौरान उपायुक्त ने स्पष्ट निर्देश दिए कि जल गुणवत्ता जांच से संबंधित सभी रिपोर्ट समयबद्ध तरीके से तैयार कर प्रस्तुत की जाएं। उन्होंने कहा कि किसी भी प्रकार की लापरवाही या देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। साथ ही उन्होंने जोर देते हुए कहा कि आम नागरिकों को शुद्ध और सुरक्षित पेयजल उपलब्ध कराना प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है।

उपायुक्त ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि जल स्रोतों की नियमित निगरानी सुनिश्चित की जाए, दूषित पाए जाने वाले स्रोतों पर तुरंत कार्रवाई की जाए तथा स्वच्छ पेयजल आपूर्ति के लिए आवश्यक सुधारात्मक उपाय शीघ्र लागू किए जाएं। उन्होंने कहा कि लोगों के स्वास्थ्य और जीवन की सुरक्षा सर्वोपरि है, इसलिए जल गुणवत्ता सुनिश्चित करने में कोई कोताही नहीं बरती जानी चाहिए।

बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि जांच रिपोर्टों की नियमित समीक्षा की जाएगी तथा संबंधित विभागों की जवाबदेही तय की जाएगी ताकि जिले के हर नागरिक को शुद्ध पेयजल मिल सके।

जिला दण्डाधिकारी-सह-उपायुक्त श्री मंजूनाथ भजन्त्री ने सभी संबंधित पदाधिकारियों को आपसी समन्वय के साथ योजनाओं का समयबद्ध एवं गुणवत्तापूर्ण क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के निर्देश दिये।

बैठक में उप विकास आयुक्त राँची, श्री संजय भगत, पीएचडी विभाग के सभी कार्यपालक अभियंता, कनीय अभियंता, एवं इससे जुड़े सभी पदाधिकारी उपस्थित थे।

*हजारीबाग में जल जीवन मिशन की समीक्षा, मंत्री ने लापरवाह संवेदकों पर कार्रवाई के दिए निर्देश*

हजारीबाग/रांची :- पेयजल एवं स्वच्छता विभाग मंत्री श्री योगेंद्र प्रसाद ने शुक्रवार को समाहरणालय सभागार, हजारीबाग में जल जीवन मिशन के तहत हजारीबाग, रामगढ़, चतरा एवं कोडरमा जिले में संचालित पेयजलापूर्ति योजनाओं की उच्चस्तरीय समीक्षा की ।विभागीय योजनाओं की प्रगति, लंबित कार्यों, सिंगल विलेज स्कीम (SVS), रॉ वाटर राइजिंग एवं क्लीन वाटर राइजिंग, वाटर ट्रीटमेंट प्लांट तथा पेयजलापूर्ति से संबंधित आधारभूत संरचनाओं की विस्तृत समीक्षा की गई।

बैठक में माननीय मंत्री ने कार्यों में हो रहे विलंब एवं योजनाओं के सुचारू रूप से संचालित नहीं होने पर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि आमजन की मूलभूत आवश्यकता से जुड़ी पेयजलापूर्ति योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।वाटर ट्रीटमेंट प्लांट एवं पेयजलापूर्ति संरचनाओं को क्रियाशील बनाने पर जोर दिया गया । माननीय मंत्री ने पेयजलापूर्ति योजनाओं के कार्यों में तेजी लाने तथा जिला प्रशासन को नियमित रूप से योजनाओं की समीक्षा करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि आज की बैठक में दिए गए निर्देशों के अनुपालन एवं योजनाओं की अद्यतन प्रगति की समीक्षा तीन माह के उपरांत पुनः आयोजित बैठक में की जाएगी।

विभागीय सचिव श्री अबु इमरान ने निर्देश दिया कि पेयजलापूर्ति से जुड़ी सभी संरचनाओं का प्रभावी उपयोग सुनिश्चित किया जाए। जहां कार्य अधूरे हैं अथवा योजनाओं का संचालन बाधित है, वहां आवश्यक कार्रवाई करते हुए समस्याओं का समयबद्ध निराकरण किया जाए। उन्होंने निर्माण कार्यों की गुणवत्ता की नियमित जांच एवं योजनाओं की सतत निगरानी पर भी बल दिया।

बंद पड़ी योजनाओं एवं लापरवाही बरतने वाले संवेदकों पर होगी कार्रवाई

समीक्षा के दौरान जिन योजनाओं में कार्य बंद पाया गया अथवा निर्धारित समय-सीमा के अनुरूप प्रगति नहीं हुई, उन मामलों को गंभीरता से लेते हुए संबंधित संवेदकों के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया। विभागीय सचिव ने कहा कि सरकारी योजनाओं के क्रियान्वयन में लापरवाही एवं अनावश्यक विलंब के मामलों में जवाबदेही तय की जाएगी। उन्होंने निर्देश दिया कि निर्धारित अवधि में कार्य पूर्ण नहीं करने वाले तथा योजनाओं को बंद रखने वाले संवेदकों को नियमानुसार लीगल नोटिस जारी किया जाए तथा संविदा की शर्तों एवं लागू प्रावधानों के अनुरूप आगे की कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।

अभियान निदेशक श्री शशि रंजन ने संबंधित विभागीय पदाधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्राधिकार की लंबित योजनाओं की नियमित समीक्षा करने तथा उन्हें निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण कराने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि जिन संवेदकों एवं अधिकारियों की शिथिलता के कारण योजनाएं लंबित हैं, उनके विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। साथ ही योजनाओं की अद्यतन स्थिति पर सतत निगरानी रखने, कार्यों में आ रही बाधाओं को दूर करने तथा संवेदकों की जवाबदेही तय करने का निर्देश दिया।

बैठक में अभियंता प्रमुख श्री निरंजन कुमार, मुख्य अभियंता श्री रेयाज आलम, उप विकास आयुक्त, कोडरमा, नगर आयुक्त, हजारीबाग, अपर समाहर्ता, हजारीबाग, जिला योजना पदाधिकारी, कार्यपालक अभियंता, पेयजल एवं स्वच्छता विभाग, माननीय मंत्री के ओएसडी सहित हजारीबाग, कोडरमा, रामगढ़ एवं चतरा जिले के वरीय पदाधिकारी, विभागीय अधिकारी एवं संबंधित संवेदक उपस्थित थे।

लीवरेजिंग कार्बन मार्केट फॉर ए क्लाइमेट रेसिलिएंट झारखंड विषय पर स्टेकहोल्डर के लिए कार्यशाला आयोजित

झारखण्ड सरकार के वन, पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन विभाग द्वारा रांची के होटल चाणक्य बी-एन-आर- में “Leveraging Carbon Market for a Climate Resilient Jharkhand” विषय पर हितधारक कार्यशाला आयोजित की गई।

कार्यशाला को संबोधित करते हुए प्रधान मुख्य वन संरक्षक एवं वन बल प्रमुख श्री संजीव कुमार ने कार्बन ट्रेडिंग को पर्यावरण संरक्षण एवं स्थानीय आजीविका संवर्धन का महत्वपूर्ण माध्यम बताते हुए उद्योग, खनन एवं ऊर्जा सहित सभी संबंधित विभागों के समन्वय पर बल दिया। उन्होंने ISRO के आंकड़ों के अनुसार झारखण्ड में लगभग 69 प्रतिशत भूमि क्षरण की चुनौती का उल्लेख करते हुए जल संरक्षण, वृक्षारोपण, भूमि पुनर्स्थापन एवं बायोगैस जैसे उपायों को बढ़ावा देने की आवश्यकता बताई।

पीपीसीएफ़ एवं चीफ वाइल्ड लाइफ वार्डन श्री रवि रंजन, ने सामुदायिक आजीविका को प्राथमिकता देने तथा वैज्ञानिक एवं प्रमाण-आधारित आंकड़ों के आधार पर कार्बन परियोजनाओं के विकास पर बल दिया।

नाबार्ड के डीजीएम श्री राकेश सिन्हा ने नाबार्ड की योजनाओं एवं वित्तीय सहयोग के माध्यम से किसानों एवं ग्रामीण समुदायों तक कार्बन वित्त पहुंचाने की संभावनाओं पर प्रकाश डाला। पूर्व पीसीसीएफ डॉ- एच- एस- गुप्ता ने कार्बन मार्केट को पर्यावरण संरक्षण एवं ग्रामीण आजीविका के लिए महत्वपूर्ण बताया, वहीं पीसीसीएफ(वेटलैंड ) श्री ए- टी- मिश्रा ने आर्द्रभूमि संरक्षण एवं जैव विविधता संवर्धन में इसकी भूमिका को रेखांकित किया।क्लाइमटेक्स के निदेशक श्री विजय ने कहा कि कार्यशाला का उद्देश्य राज्य में जलवायु अनुकूल कृषि, कृषि वानिकी तथा ग्रामीण आजीविका को बढ़ावा देने के लिए कार्बन वित्त की संभावनाओं पर विचार-विमर्श करना था।

कार्यक्रम में स्वागत भाषण सुश्री अनुराधा मिश्रा, वन प्रमंडल पदाधिकारी (DFO), द्वारा दिया गया।

कार्यशाला में विभिन्न सरकारी विभागों, वित्तीय संस्थानों, जलवायु विशेषज्ञों, विकास संगठनों तथा निजी क्षेत्र के प्रतिनिधियों ने भाग लिया (नाबार्ड, बिरसा कृषि विश्वविद्यालय, जी-आई-जेड- (GIZ), क्लाइमेट पॉलिसी इनिशिएटिव (CPI), झारखण्ड स्टेट लाइवलीहुड प्रमोशन सोसाइटी (JSLPS), प्रदान (PRADAN), सोशल अल्फा (Social Alpha), हिंडाल्को, सिंजेंटा फाउंडेशन, एक्सीसिट- एक्सएलआरआई-नाबार्ड इन्क्यूबेशन सेंटर तथा विभिन्न विकास एवं जलवायु वित्त से संबंधित संस्थाओं के प्रतिनिधियों ने भाग लिया।

कार्यशाला में चर्चा के दौरान झारखण्ड की जलवायु संवेदनशीलता को ध्यान में रखते हुए कृषि वानिकी, भूमि पुनर्स्थापन तथा ग्रामीण विकास योजनाओं के माध्यम से कार्बन वित्त जुटाने और किसानों एवं जनजातीय समुदायों की आजीविका सुदृढ़ करने की संभावनाओं पर प्रकाश डाला गया।

कार्यशाला में CLIMATEX द्वारा विभाग के लिए किए गए व्यवहार्यता अध्ययन के निष्कर्ष प्रस्तुत किए गए। साथ ही, उपग्रह चित्रों और वैज्ञानिक मॉडल के माध्यम से जैवभार एवं मृदा कार्बन भंडार के आकलन हेतु डिजिटल मापन, रिपोर्टिंग एवं सत्यापन (dMRV) उपकरण का प्रदर्शन किया गया। इस अवसर पर झारखण्ड के लिए “Climate Hazard Mapping For Jharkhand” रिपोर्ट का भी विमोचन किया गया।

तकनीकी सत्रों में सरकारी योजनाओं को कार्बन बाजार से जोड़ने, मिश्रित एवं परोपकारी वित्त की संभावनाओं, कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व (CSR) तथा प्रभाव निवेश के माध्यम से जलवायु अनुकूल परियोजनाओं का विस्तार करने पर चर्चा हुई।

कार्यशाला में इस बात पर बल दिया गया कि कार्बन वित्त के प्रभावी उपयोग से ग्रामीण एवं जनजातीय समुदायों की आय में वृद्धि, प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण तथा जलवायु परिवर्तन के प्रभावों के प्रति राज्य की अनुकूलन क्षमता को सशक्त करने में सहायता मिल सकती है।

इस अवसर पर वन, पर्यावरण एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के कई पदाधिकारियों की गरिमामय उपस्थिति रही।

सरकार और पुलिस की लापरवाही के कारण हुई आदिवासी राजस्व कर्मचारी की हत्या : समीर उरांव

भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश कार्यालय में आज आदिवासी राजस्व कर्मचारी स्वर्गीय लक्ष्मीकांत मुंडा की हत्या के मामले को लेकर प्रेसवार्ता आयोजित की गई। प्रेसवार्ता को संबोधित करते हुए अनुसूचित जनजाति मोर्चा के पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व राज्यसभा सांसद समीर उरांव ने कहा कि लक्ष्मीकांत मुंडा की निर्मम हत्या राज्य सरकार और पुलिस प्रशासन की विफलता का परिणाम है। यह हत्या किसी सोची-समझी साजिश का हिस्सा प्रतीत होती है।

उन्होंने कहा कि भाजपा प्रदेश अध्यक्ष आदित्य साहू ने इस मामले की जांच के लिए छह सदस्यीय कमिटी बनाई थी। कमिटी ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और मृतक के माता-पिता, बहन, पत्नी तथा आसपास के लोगों से बातचीत की। जांच के दौरान मिली जानकारी के अनुसार लक्ष्मीकांत मुंडा सरल, मिलनसार और शांत स्वभाव के व्यक्ति थे। उनका किसी से कोई विवाद नहीं था।

श्री उरांव ने आशंका जताई कि लक्ष्मीकांत मुंडा पर किसी गलत या गैरकानूनी काम को करने का दबाव बनाया जा रहा था। जिस दिन उनकी हत्या हुई, उस दिन कार्यालय से उन्हें बार-बार फोन किया गया था। यह भी जांच का विषय है कि आखिर उन्हें इतनी बार फोन क्यों किया जा रहा था। उन्होंने कहा कि हत्या में किसी परिचित व्यक्ति की भूमिका होने की भी आशंका है। पुलिस को इन सभी पहलुओं की गंभीरता से जांच करनी चाहिए।

उन्होंने कहा कि झारखंड में कानून-व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है। राज्य में आदिवासी, मूलवासी, महिलाएं और व्यवसायी कोई भी सुरक्षित नहीं है। सरकार और पुलिस अपराधियों पर कार्रवाई करने के बजाय अवैध खनन और वसूली में व्यस्त हैं। राज्य में लगातार आपराधिक घटनाएं हो रही हैं, लेकिन सरकार अपराधियों पर लगाम लगाने में विफल साबित हो रही है।

श्री उरांव ने कहा कि लक्ष्मीकांत मुंडा की हत्या को कई दिन बीत चुके हैं, लेकिन अब तक अपराधियों की गिरफ्तारी नहीं होना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। पुलिस प्रशासन को अविलंब अपराधियों की पहचान कर उन्हें गिरफ्तार करना चाहिए।

उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि एक सप्ताह के भीतर अपराधियों की गिरफ्तारी नहीं होती है तो भारतीय जनता पार्टी चुप नहीं बैठेगी। पार्टी इस मामले को लेकर चरणबद्ध आंदोलन करने के लिए बाध्य होगी।

उन्होंने बताया कि भाजपा प्रदेश अध्यक्ष द्वारा गठित जांच कमिटी अपनी जाँच रिपोर्ट प्रदेश अध्यक्ष को सौंपा। इसके बाद कमिटी के सदस्य डीजीपी से मिलकर मामले में त्वरित कार्रवाई और अपराधियों की गिरफ्तारी की मांग करेंगे।

प्रेसवार्ता में भाजपा प्रदेश प्रवक्ता अशोक बड़ाईक, पिंकी खोया, रवि मुंडा, रितेश उरांव, अशोक मुंडा एवं अर्जुन मुंडा मुख्य रूप से उपस्थित थे।

दिव्यांगजनों एवं वरिष्ठ नागरिकों के लिए आकलन शिविर आयोजित

पतरातू प्रखंड कार्यालय में ALIMCO (भारतीय कृत्रिम अंग निर्माण निगम) के सहयोग से दिव्यांगजनों एवं वरिष्ठ नागरिकों को निःशुल्क सहायक उपकरण एवं आवश्यक सहायक सामग्री उपलब्ध कराने के उद्देश्य से आकलन शिविर आयोजित किया जा रहा है।

शिविर में पतरातू प्रखंड के विभिन्न क्षेत्रों से आए दिव्यांगजन एवं वरिष्ठ नागरिक भाग ले रहे हैं। शिविर के दौरान लाभार्थियों की आवश्यकताओं का आकलन कर उनकी व्यक्तिगत जरूरतों के अनुरूप सहायक उपकरणों की पहचान की जा रही है।

आकलन प्रक्रिया पूरी होने के बाद चिन्हित लाभार्थियों को दिसंबर 2026 में आवश्यक सहायक उपकरण एवं सामग्री निःशुल्क वितरित की जाएगी। इस पहल का उद्देश्य दिव्यांगजनों एवं वरिष्ठ नागरिकों के जीवन को अधिक सुगम बनाना तथा उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में सहयोग प्रदान करना है।

हर ELC में SIR अवधि के दौरान कम से कम एक मतदाता जागरूकता कार्यक्रम चलाना अनिवार्य : मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी के. रवि कुमार

रांची। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी, झारखंड, श्री के. रवि कुमार ने गुरुवार को राज्य के सभी प्रमंडलों के इलेक्टोरल लिटरेसी क्लब (ELC) के समन्वयकों एवं संबंधित पदाधिकारियों के साथ प्रमंडलवार वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से बैठक की। बैठक में विद्यालय स्तर पर मतदाता जागरूकता गतिविधियों को प्रभावी बनाने, विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR)-2026 के प्रति जागरूकता बढ़ाने तथा युवा एवं अन्य पात्र नागरिकों का नाम मतदाता सूची में शामिल कराने के लिए समन्वित प्रयासों पर चर्चा की गई।

मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी श्री के. रवि कुमार ने कहा कि राज्य में 5,535 ELC गठित करने के लक्ष्य के विरुद्ध 4,461 ELC गठित एवं एक्टिव हैं, इनके कॉर्डिनेटर एवं जिलों के उप निर्वाचन पदाधिकारी के बीच समन्वय स्थापित करते हुए सभी जिलों में मतदाताओं को जागरूक करने एवं मतदाता सूची में जोड़ने हेतु जागरूकता अभियान चलाए जा रहन है। उन्होंने कहा कि प्रत्येक पात्र भारतीय नागरिक, जिसकी आयु 1 अक्टूबर 2026 तक 18 वर्ष पूरी हो चुकी है और जो संबंधित मतदान केंद्र क्षेत्र का सामान्य निवासी है, उसका नाम नियमानुसार मतदाता सूची में शामिल होना सुनिश्चित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि कोई भी पात्र नागरिक पंजीकरण से वंचित न रहे। इसके लिए ELC के माध्यम से विद्यार्थियों, युवाओं और उनके परिवारों को मतदाता पंजीकरण की प्रक्रिया की सही जानकारी उपलब्ध कराई जाए।

उन्होंने सभी संबंधित पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि प्रत्येक विद्यालय में मतदाता जागरूकता गतिविधियों का आयोजन किया जाए तथा एसआईआर अवधि के दौरान कम-से-कम प्रत्येक ELC स्तर पर एक विशेष जागरूकता गतिविधि अवश्य संचालित की जाए। इन गतिविधियों का सोशल मीडिया के माध्यम से व्यापक प्रचार-प्रसार भी किया जाए, ताकि अधिकाधिक लोगों तक मतदाता जागरूकता संबंधी संदेश पहुंच सकें और युवा लोकतांत्रिक प्रक्रिया में सक्रिय भागीदारी के लिए प्रेरित हों।

श्री के. रवि कुमार ने ECINET ऐप के माध्यम से पात्र युवा भारतीय नागरिकों को फॉर्म-6 एवं घोषणा पत्र भरकर मतदाता सूची में नाम दर्ज कराने के लिए प्रेरित करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि ELC के पदाधिकारी एवं समन्वयक नागरिकों को ऑनलाइन पंजीकरण की प्रक्रिया समझाएं तथा फॉर्म भरने में आवश्यक मार्गदर्शन उपलब्ध कराएं। साथ ही, एसआईआर एवं मतदाता सूची में नाम जोड़ने से संबंधित सही प्रक्रिया और पात्रता संबंधी प्रावधानों की जानकारी आम लोगों तक पहुंचाई जाए, ताकि किसी प्रकार की भ्रामक सूचना या गलतफहमी की स्थिति उत्पन्न न हो।

उन्होंने मिस-इनफॉर्मेशन एवं फेक न्यूज के विरुद्ध तथ्यपरक जानकारी के प्रसार तथा मतदाता जागरूकता संबंधी संदेशों को सोशल मीडिया पर साझा करने की आवश्यकता भी बताई। उन्होंने स्पष्ट किया कि मतदाता सूची में नाम शामिल करने की प्रक्रिया निर्धारित नियमों के अनुरूप संचालित की जा रही है और किसी भी अपात्र अथवा विदेशी व्यक्ति का नाम इसमें शामिल नहीं किया जाएगा।

मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने कहा कि 25 जनवरी को आयोजित राष्ट्रीय मतदाता दिवस के कार्यक्रमों में जिला स्तर पर मतदाता जागरूकता हेतु बेहतर कार्य करने वाले ELC को जिला स्तरीय कार्यक्रम में एवं राज्य स्तर पर बेहतर कार्य करने वाले ELC को राज्य स्तर के कार्यक्रम में सम्मानित किया जाएगा वहीं राज्य स्तर पर बेहतर कार्य करने वाले ELC का नाम राष्ट्रीय स्तर पर नई दिल्ली में आयोजित होने वाले कार्यक्रम में राज्य से नॉमिनेशन के रूप में भेजा जाएगा।

बैठक में अपर मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी श्री सुबोध कुमार, राज्य प्रशिक्षण नोडल पदाधिकारी श्री देव दास दत्ता, उप निर्वाचन पदाधिकारी श्री धीरज कुमार ठाकुर एवं अवर निर्वाचन पदाधिकारी श्री सुनील कुमार सहित विभिन्न प्रमंडलों के उप निर्वाचन पदाधिकारी, जिला शिक्षा पदाधिकारी, जिला परियोजना पदाधिकारी, सहायक जिला परियोजना पदाधिकारी, ELC कोऑर्डिनेटर एवं हेल्प डेस्क मैनेजर वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से उपस्थित रहे।

बेशर्मी की हद पार कर रहे हैं भाजपाई - झामुमो

गढ़वा :- कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के बयान पर पूरे देश में भाजपा के नेता व अंधभक्त कार्यकर्ता बेशर्मी की सारी हदें पार कर रहे हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, अमित शाह जब राहुल गांधी की मां, दादा, दादी सहित उनको पूरे परिवार पर अभद्र एवं अमर्यादित टिप्पणी करते हैं तब भाजपा के लोग कहां चले जाते हैं। आज देश के असली मुद्दे से जनता का ध्यान भटकने के लिए भाजपाई बेचैन होकर पूरे देश में उत्पात मचा रहे हैं। झामुमो के केंद्रीय समिति सदस्य जवाहर पासवान ने प्रेस कांफ्रेंस आयोजित कर उक्त बातें कहीं ।

वही झारखंड सरकार के पूर्व मंत्री के आवास पर आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में पासवान ने कहा कि भाजपा असली मुद्दा वोट चोरी, चुनाव आयोग की स्वायत्तता, महंगाई, बेरोजगारी से ध्यान भटकाने के लिए पुतला दहन का ड्रामा कर रही है। देश की जनता समझती है कि कौन अपमान कर रहा है और कौन लोकतंत्र बचा रहा है। भाजपा चाहे जितना भी सिर पीट ले, उसकी सत्ता चल चुकी है। आने वाले समय में भारत की जनता कारारा जवाब देगी। भाजपा का यह कृत्य उनकी घबराहट को दिखाता है। भारतीय जनता पार्टी में अगर थोड़ी भी नैतिकता बची है तो उसे अपने इतिहास में झांकना चाहिए।प्रधानमंत्री सहित भाजपा के नेता रोज मंच से कांग्रेस नेतृत्व के लिए अमर्यादित टिप्पणी करते हैं तब इनकी मर्यादा कहां चली जाती है। श्री खड़गे स्वयं 80 वर्ष के वरिष्ठ नेता हैं, जो हमेशा मर्यादित भाषा के पक्षधर रहे हैं।

वही संजय सिंह छोटू ने कहा कि जब भाजपा विधायक खुलेआम मां-बहन की गाली देते हैं। वे मुख्यमंत्री की मां, पद्म भूषण से सम्मानित दिशोम गुरु की पत्नी पर जिंदा रहते हुए अमर्यादित टिप्पणी करते हैं इन सब मुद्दों पर भाजपा नेताओं की आवाज क्यों बंद हो जाती है। आदिवासी अस्मिता के सवाल पर भाजपा चुप हो जाती है। अंकिता भंडारी की भाजपाईयों ने क्यों हत्या कर दी, इसका भी जवाब उन्हें देना चाहिए।

उक्त मौके पर केंद्रीय सदस्य तनवीर आलम, मनोज ठाकुर, सरीफ अंसारी, चन्दन जायसवाल, बैद्यनाथ गौतम, चन्दन पासवान, धनंजय तिवारी, वसीम खान, हरीओम यादव, आदि लोग उपस्थित थे।