डीपीएम पब्लिक स्कूल में पीटीएम में दिखा अभिभावकों का उत्साह, डिजिटल शिक्षा की सुविधाएं देखकर हुए प्रभावित
अर्द्धवार्षिक परीक्षा परिणाम घोषित, सभी कक्षाओं में डिजिटल बोर्ड से हो रही पढ़ाई; ग्रामीण क्षेत्र के बच्चों को बिना अतिरिक्त शुल्क मिलेंगी आधुनिक सुविधाएं

बहसूमा। डीपीएम पब्लिक स्कूल बहसूमा में शनिवार को अर्द्धवार्षिक परीक्षा के बाद अभिभावक-शिक्षक बैठक (पीटीएम) का आयोजन किया गया। बैठक में विद्यार्थियों का परीक्षा परिणाम अभिभावकों के सामने प्रस्तुत किया गया। साथ ही बच्चों की शैक्षणिक प्रगति, उपलब्धियों और कमजोरियों में सुधार को लेकर शिक्षकों ने अभिभावकों से चर्चा की।

इस दौरान अभिभावक अपने बच्चों का परीक्षा परिणाम देखकर उत्साहित नजर आए। विद्यालय में किए गए आधुनिकीकरण और डिजिटल सुविधाओं को देखकर अभिभावकों ने विद्यालय प्रबंधन की सराहना की। विद्यालय की सभी कक्षाओं में डिजिटल बोर्ड के माध्यम से पढ़ाई कराई जा रही है। वहीं, किंडरगार्टन के नन्हे बच्चों के लिए भी आधुनिक डिजिटल शिक्षण सुविधाएं विकसित की गई हैं, ताकि वे खेल-खेल में रोचक तरीके से शिक्षा प्राप्त कर सकें।

विद्यालय के सचिव जगदीश त्यागी ने अभिभावकों को संबोधित करते हुए कहा कि विद्यालय को हाईटेक बनाने का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्र के बच्चों को भी बड़े शहरों के प्रतिष्ठित स्कूलों जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराना है। बहसूमा और आसपास के गांवों के बच्चों को आधुनिक तकनीक, डिजिटल शिक्षा और गुणवत्तापूर्ण शिक्षण का लाभ बिना किसी अतिरिक्त शुल्क के देने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि आधुनिक शिक्षा के साथ बच्चों को भारतीय संस्कृति, संस्कारों और नैतिक मूल्यों से जोड़ना भी विद्यालय की प्राथमिकता है।

विद्यालय की प्रधानाचार्य जिया जैदी ने कहा कि बच्चों के उज्ज्वल भविष्य के लिए शिक्षकों और अभिभावकों के बीच बेहतर तालमेल बेहद जरूरी है। निरंतर संवाद और सहयोग से ही विद्यार्थियों की शैक्षणिक क्षमता को निखारा जा सकता है।

पीटीएम के समापन के बाद सचिव जगदीश त्यागी ने शिक्षकों की बैठक लेकर विद्यालय की शिक्षण व्यवस्था और आधुनिकीकरण को लेकर दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने शिक्षकों से आधुनिक शिक्षण तकनीकों को अपनाने, समय के साथ स्वयं को अपडेट रखने और विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए समर्पण के साथ कार्य करने का आह्वान किया। प्रधानाचार्य जिया जैदी ने भी शिक्षकों को अनुशासन, सामूहिक जिम्मेदारी और शिक्षण कार्य में निरंतर सुधार के लिए प्रेरित किया।

कार्यक्रम में अभिभावकों के लिए जलपान की व्यवस्था भी की गई। पीटीएम के सफल आयोजन में विद्यालय के सभी शिक्षकों ने अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन किया। अभिभावकों ने विद्यालय में हो रहे शैक्षणिक और तकनीकी बदलावों पर संतोष जताते हुए प्रबंधन का आभार व्यक्त किया।
लौह पुरुष सरदार बल्लभ भाई पटेल की जयंती पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित किया


लालगंज, मीरजापुर। सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र लालगंज में अधीक्षक डॉक्टर मनोज सिंह पटेल की अध्यक्षता में लौह पुरुष सरदार बल्लभ भाई पटेल की जयंती पर माल्यार्पण कर श्रद्धांजलि अर्पित किया। जिसमें सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र के कर्मचारी और अधिकारी उपस्थित होकर सभी ने चित्र पर माल्यार्पण कर जयंती मनाई गई। कार्यक्रम में
डॉ0मनोज सिंह पटेल, डॉ0 संजय सिंह, डॉ0 राजेश कुमार सिंह, डॉ0 पाठक, डॉ0 पंकज, शमीम अहमद वरिष्ठ उपचार पर्यवेक्षक, मुकेश सिंह, नीरज सिंह, संदीप यादव, आशुतोष उपाध्याय, फार्मासिस्ट एस एन सरोज, अभिषेक यादव, हिमांशु, नंदन, भोला आदि लोग उपस्थित रहे।
मऊ मच्छरों के प्रकोप से बचाव के लिए नगर पंचायत ने तेज किया फॉगिंग अभियान
मुहम्मदाबाद गोहना, मऊ। नगर पंचायत मुहम्मदाबाद गोहना क्षेत्र में मच्छरों के बढ़ते प्रकोप और संक्रामक रोगों की रोकथाम के लिए लगातार फॉगिंग अभियान चलाया जा रहा है। नगर पंचायत की ओर से अलग-अलग मोहल्लों में फॉगिंग मशीन से मच्छररोधी दवा का छिड़काव और धुआं किया जा रहा है।

नगर पंचायत कर्मचारियों ने सैदपुर, गोलवाड़ टोला, सेखवाड़ा समेत विभिन्न मोहल्लों में नालियों तथा लोगों के घरों के आसपास फॉगिंग की। फॉगिंग के दौरान निकलने वाले धुएं से मच्छरों के प्रकोप को कम करने के साथ ही मच्छरजनित एवं संक्रामक बीमारियों की रोकथाम में मदद मिलने की उम्मीद है।

नगर पंचायत की ओर से अलग-अलग दिनों में विभिन्न मोहल्लों को चिन्हित कर लगातार फॉगिंग कराई जा रही है, ताकि बारिश और बदलते मौसम के बीच मच्छरों की समस्या पर प्रभावी नियंत्रण किया जा सके।

इस संबंध में चेयरमैन प्रतिनिधि दीपक गुप्ता डायमंड ने बताया कि फॉगिंग अभियान के लिए दो कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है।

दोनों कर्मचारी निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार अलग-अलग मोहल्लों में नियमित रूप से मच्छररोधी दवा का छिड़काव और फॉगिंग करते रहेंगे। उन्होंने कहा कि नगरवासियों को मच्छरों और उनसे होने वाली बीमारियों से बचाव के लिए नगर पंचायत की ओर से लगातार आवश्यक कदम उठाए जा रहे हैं।
मऊ मड़ैया घाट की खूबसूरती बनी आकर्षण का केंद्र, प्राकृतिक नजारों से दिल जीत रही मऊ की धरती

मऊ। पूर्वांचल की धरती पर अपनी अलग पहचान रखने वाला मऊ जनपद ऐतिहासिक, धार्मिक और प्राकृतिक विविधताओं से समृद्ध है। इसी खूबसूरती को अपने अंदर समेटे मड़ैया घाट इन दिनों लोगों के आकर्षण का केंद्र बना हुआ है। घाट का शांत वातावरण, प्राकृतिक सौंदर्य और मनमोहक दृश्य यहां पहुंचने वाले लोगों को कुछ पल ठहरकर प्रकृति को निहारने के लिए मजबूर कर देते हैं।

मड़ैया घाट पर पहुंचते ही आसपास का शांत माहौल और प्राकृतिक दृश्य मन को सुकून का एहसास कराते हैं।

सुबह और शाम के समय यहां का नजारा और भी खूबसूरत दिखाई देता है। प्रकृति के बीच बिताए गए ये पल लोगों को शहर की भागदौड़ से दूर सुकून का अनुभव कराते हैं।

स्थानीय लोगों का कहना है कि मड़ैया घाट मऊ की उन खूबसूरत जगहों में शामिल है, जिन्हें बेहतर तरीके से विकसित और प्रचारित किया जाए तो यह क्षेत्र पर्यटन के लिहाज से भी महत्वपूर्ण बन सकता है। यहां की प्राकृतिक सुंदरता स्थानीय लोगों के साथ-साथ बाहर से आने वाले लोगों को भी आकर्षित करने की क्षमता रखती है।

मऊ की पहचान केवल शहर और बाजारों तक सीमित नहीं है, बल्कि यहां की प्राकृतिक धरोहरें भी जनपद की खूबसूरती को नई पहचान देती हैं। मड़ैया घाट इसी खूबसूरती की एक शानदार तस्वीर है, जो मऊ की धरती के प्राकृतिक वैभव को बयां करता है |
जिला उद्योग बन्धु एवं जिला निर्यात प्रोत्साहन समिति की बैठक में उद्यमियों की समस्याओं एवं औद्योगिक विकास की हुई विस्तृत समीक्षा*

*जिलाधिकारी ने लोक निर्माण विभाग को एक माह में अवशेष सड़क निर्माण कार्य पूर्ण कराने तथा उद्यमियों की समस्याओं का प्राथमिकता पर निस्तारण करने के दिए निर्देश*



रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। अक्टूबर 2026 जिलाधिकारी की अध्यक्षता में जिला उद्योग बन्धु एवं जिला निर्यात प्रोत्साहन समिति की बैठक कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित की गई। बैठक में गत बैठक  कार्यवाही की पुष्टि करते हुए विभिन्न विभागों से प्राप्त अनुपालन आख्या की समीक्षा की गई। इस दौरान उद्यमियों की समस्याओं के निस्तारण, औद्योगिक अवस्थापना सुविधाओं के विकास, निर्यात को बढ़ावा देने तथा शासन की विभिन्न योजनाओं की प्रगति पर विस्तार से चर्चा की गई।

बैठक में माधोसिंह से खमरिया होते हुए डेढ़वा मार्ग के सुदृढ़ीकरण के संबंध में लोक निर्माण विभाग द्वारा अवगत कराया गया कि कुल 6 किलोमीटर लंबे मार्ग में से 4.50 किलोमीटर का कार्य पूर्ण हो चुका है तथा शेष 1.50 किलोमीटर का कार्य लंबित है। इस पर जिलाधिकारी ने अधिशासी अभियंता, लोक निर्माण विभाग को निर्देशित किया कि अवशेष सड़क निर्माण कार्य एक माह के भीतर अनिवार्य रूप से पूर्ण कराना सुनिश्चित करें।

कार्पेट सिटी में औद्योगिक इकाइयों को आवंटित भूखंडों के आसपास जल निकासी की समस्या के संबंध में बीडा द्वारा अवगत कराया गया कि संबंधित नाली को मुख्य नाले से जोड़ दिया गया है , जिलाधिकारी ने औद्योगिक क्षेत्रों में आधारभूत सुविधाओं को बेहतर बनाने तथा उद्यमियों को किसी प्रकार की असुविधा न होने देने के निर्देश दिए।

बैठक में कार्पेट सिटी एवं कार्पेट क्लस्टर के संचालन की स्थिति की समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को औद्योगिक क्लस्टर का नियमित निरीक्षण करने, उसके प्रभावी संचालन तथा उद्यमियों को आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

जनपद से निर्यात को प्रोत्साहित करने तथा स्थानीय निर्यातकों को अधिकाधिक अवसर उपलब्ध कराने के संबंध में भी चर्चा की गई। जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्यातकों की समस्याओं का समयबद्ध समाधान करने, निर्यात गतिविधियों को बढ़ावा देने तथा भदोही के कालीन उद्योग की राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान को और अधिक सुदृढ़ करने के लिए समन्वित प्रयास करने पर बल दिया।

बैठक में मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान की प्रगति की समीक्षा करते हुए बताया गया कि योजना के अंतर्गत 1,700 के वार्षिक लक्ष्य के सापेक्ष माह अक्टूबर तक निर्धारित 595 के लक्ष्य के विरुद्ध 717 लाभार्थियों को ऋण वितरित किया जा चुका है। इस प्रकार निर्धारित अक्टूबर माह के लक्ष्य से अधिक प्रगति दर्ज की गई है। जिलाधिकारी ने शेष पात्र आवेदकों के प्रकरणों में तेजी से कार्रवाई करते हुए अधिकाधिक युवाओं को स्वरोजगार एवं उद्यम स्थापना से जोड़ने के निर्देश दिए।

इसके अतिरिक्त निवेश मित्र पोर्टल पर लंबित प्रकरणों की विभागवार समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने संबंधित विभागीय अधिकारियों को निर्देशित किया कि निवेश मित्र पोर्टल पर प्राप्त आवेदनों का निर्धारित समय-सीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण निस्तारण सुनिश्चित करें, जिससे निवेशकों एवं उद्यमियों को अनावश्यक परेशानी का सामना न करना पड़े।

जिलाधिकारी ने कहा कि जनपद में औद्योगिक विकास, निवेश प्रोत्साहन, निर्यात संवर्धन एवं युवाओं को स्वरोजगार से जोड़ना प्रशासन की प्राथमिकताओं में शामिल है। उद्यमियों की समस्याओं का गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित करते हुए जनपद के औद्योगिक विकास को गति प्रदान की जाए। इस अवसर पर संबंधित विभागों के अधिकारी उद्यमीकरण उपस्थित रहे।
सरदार पटेल के त्याग और अनुशासन से प्रेरणा लें विद्यार्थी : कुलपति प्रो. आरके सिंह
जौनपुर। वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय में लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती के अवसर पर अवेद्यनाथ संगोष्ठी भवन में शनिवार को राष्ट्रीय एकता दिवस समारोह-2026 का आयोजन किया गया।कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में उत्तर प्रदेश कोऑपरेटिव बैंक, लखनऊ के चेयरमैन जितेंद्र बहादुर सिंह ने कहा कि आज के इस दौर में, जब देश को वैचारिक और सामाजिक एकता की सबसे अधिक आवश्यकता है, सरदार पटेल के विचार और आदर्श हमारे लिए एक मार्गदर्शक प्रकाश पुंज की तरह हैं। युवाओं को उनके जीवन से प्रेरणा लेते हुए अपने भीतर के सामर्थ्य को पहचानना चाहिए और अनुशासन के साथ ‘राष्ट्र-प्रथम’ की भावना को अपने आचरण में उतारना चाहिए। सरदार पटेल के दिखाए मार्ग पर चलकर ही हम अपनी मेहनत और निष्ठा से 'एक भारत, श्रेष्ठ भारत' के महान संकल्प को साकार कर सकते हैं।समारोह की अध्यक्षता कुलपति प्रो. आर.के. सिंह ने की। उन्होंने कहा कि सरदार पटेल ने स्वतंत्रता संग्राम में तमाम कठिनाइयां सहते हुए भी देशहित के प्रति अपना समर्पण हमेशा बनाए रखा। उनका त्याग आज की युवा पीढ़ी को यह सिखाता है कि बड़े उद्देश्यों की प्राप्ति के लिए धैर्य, अनुशासन और व्यक्तिगत सुविधाओं से ऊपर उठकर कार्य करना आवश्यक है। उन्होंने विद्यार्थियों से आह्वान किया कि वे सरदार पटेल से प्रेरणा लेकर विपरीत परिस्थितियों में हिम्मत बनाए रखें, पूरी ईमानदारी से अध्ययन करें और अपने अर्जित ज्ञान का उपयोग समाज की भलाई के लिए करें।प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल की प्रेरणा से आयोजित समारोह में सरदार वल्लभभाई पटेल के राष्ट्र निर्माण, अखंड भारत के संकल्प और राष्ट्रीय एकता में उनके ऐतिहासिक योगदान को याद किया गया। टीडी कॉलेज के शिक्षक डॉ. सुभाष चंद्र विश्नोई द्वारा देश के हर व्यक्ति में स्वाभिमान होना चाहिए,नित्य वन्देमातरम का गान होना चाहिए प्रस्तुत किया। डॉ. नरेन्द्र देव पाठक ने भी अपनी कला का प्रदर्शन किया। इसके साथ ही विश्वविद्यालय के विभिन्न संकायों के विद्यार्थियों ने एकल और समूह गान और नृत्य की प्रस्तुतियां दी। इसके साथ की विद्यार्थियों ने रंगों के माध्यम से रंगोली बनाकर देश की एकता का संदेश दिया।कार्यक्रम के पूर्व महात्मा गांधी, सरदार वल्लभ भाई पटेल, वीर बहादुर सिंह एवं महंत अवेद्यनाथ की मूर्ति पर अतिथियों ने पुष्प अर्पित कर नमन किया।समारोह में सांस्कृतिक समिति के संयोजक प्रो. मनोज मिश्र ने अतिथियों का स्वागत किया। कुलसचिव डॉ. विनोद कुमार सिंह ने धन्यवाद ज्ञापित किया। कार्यक्रम का संयोजन डॉ. रसिकेश और राष्ट्रीय सेवा योजना के समन्वयक डॉ. शशिकांत यादव ने किया, संचालन अभिनव कीर्ति एवं अवंतिका यादव ने किया।इस अवसर पर डॉ. जगदीश सिंह दीक्षित, प्रो. अजय प्रताप सिंह, प्रो. प्रमोद यादव, प्रो. मिथिलेश सिंह, प्रो. अजय द्विवेदी, प्रो. प्रदीप कुमार, प्रो. विनोद कुमार, डॉ. राहुल सिंह, डॉ. शैलेन्द्र सिंह, डॉ. अन्नू त्यागी, डॉ. सुनील कुमार, डॉ. दिग्विजय सिंह राठौर, डॉ. अमरेन्द्र सिंह, डॉ. अनुराग मिश्र समेत विभिन्न संकायों के शिक्षक, शोधार्थी एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
Mirzapur: धान क्रय केंद्र बदले जाने से भड़के किसान, जिलाधिकारी से लगाई फरियाद
मीरजापुर। हलिया विकास खंड क्षेत्र में क्रय केंद्र बदले जाने से किसानों में आक्रोश देखा जा रहा है। किसानों ने प्रदर्शन करते हुए जिलाधिकारी से संबंधित क्रय केंद्रों को यथास्थान पर ही बनाए रखने की बात कही है। कहा है कि संबंधित अधिकारियों के इस निर्णय से उनकी मुश्किलें बढ़ जाएंगी। किसानों ने बताया कि वह देवघटा पाण्डेय (विमौरी) के मूल रूप से निवासी हैं। हलिया ब्लॉक धान का अच्छा बेल्ट है, इस साल धान का उत्पादन गत वर्ष की तुलना में बहुत अच्छा हुआ है। पिछले साल हलिया के मवई कला में 4 राजकीय धान क्रय केन्द्र संचालित था। जिसका स्थान परिवर्तन करते हुए 2 केन्द्रों को मवई कला से हटाकर कोटाघाट (बरौधा वाली रोड पर) पर तथा 2 केन्द्रों को मवई कला से हटाकर दिधुली कर दिया गया है। इससे किसानों की समस्याओं में इज़ाफ़ा हो गया है।
मवईकला क्रय केंद्र के सामने एकत्र हुए किसानों ने प्रदर्शन करते हुए कहा है कि उक्त स्थानों का परिवर्तन कराते हुए मवई कला में ही धान कय केन्द्रों को स्थापित किया जाएं। ताकि किसानों को सुविधा हो। किसानों ने आरोप लगाया है कि वह विगत 30 वर्ष से ग्राम मवई कलां में स्थित गोदाम पर धान व गेहूं का विक्रय करते हुए आएं हैं, परन्तु इस वर्ष एएमओ व एमआई हलिया की मिली भगत के कारण केंद्र को उसे 7 किमी दूर भेज दिया गया है, जिस स्थान पर केंद्र खोला जा रहा है, वहां पर किसानों को गाड़ी खड़ी करने व धान तौल करने में साथ ही मार्ग से आवागवन बाधित होने की भारी सम्भावना है, उसी रोड से कुछ 1 किमी आगे ETHONAL कम्पनी है, कम्पनी के 1000 भारी वाहनों का आवागमन होता है, कुछ दुरी पर कई विद्यालयों के बच्चों का आवागमन लगा रहता है, किसी भी दिन भयंकर दुर्घटना होने की सम्भावना है। ऐसे में सभी कृषकों के समस्याओं को ध्यान में रखते हुए पुनः पुराने स्थान पर केंद्र संचालित करवाने के लिए निर्देशित किया जाएं। किसानों ने चेतावनी दी है कि इस निर्णय को बदला नहीं गया तो धरना प्रदर्शन के लिए बाध्य होंगे।

इस दौरान प्रदर्शन करने वालों में अखिलेश पाण्डेय, त्रिपुरारी शंकर पाण्डेय, शैलेष कुमार,  रामजी पाण्डे, शुभम पाण्डेय, सकेभ सिंह, सतीश पाल इत्यादि मौजूद रहे हैं।
बेहटा, झिलाही के निकट मिठाई निर्माण इकाई पर खाद्य सुरक्षा विभाग की छापेमारी


*85 किलो खराब चमचम एवं 5 किलो पनीर विक्रेता ने कराया नष्ट, जांच के लिए तीन नमूने संग्रहित*


*गोण्डा 31 अक्टूबर,2026*। सहायक आयुक्त (खाद्य)-द्वितीय, गोण्डा के आदेशानुसार खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग की टीम द्वारा जनपद में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता एवं शुद्धता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से विशेष निरीक्षण एवं छापेमारी अभियान चलाया गया। इसी क्रम में मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी विनोद कुमार के नेतृत्व में खाद्य सुरक्षा अधिकारियों की टीम ने प्राप्त अभिसूचना के आधार पर बेहटा, झिलाही के निकट स्थित एक मिठाई निर्माण इकाई पर छापेमारी कर निरीक्षण की कार्रवाई की।
इस कार्रवाई में खाद्य सुरक्षा अधिकारी श्री मनीष मल, श्री नंदकिशोर यादव एवं श्री अंकुर मिश्रा शामिल रहे। निरीक्षण के दौरान प्रतिष्ठान पर चमचम मिठाई का निर्माण किया जा रहा था। निर्मित चमचम की गुणवत्ता निर्धारित मानकों के अनुरूप न होने की आशंका के दृष्टिगत टीम द्वारा मौके से चमचम का एक नमूना संग्रहित किया गया। इसके अतिरिक्त चमचम के निर्माण में प्रयुक्त खाद्य पदार्थ तथा पनीर का भी एक-एक नमूना लिया गया। इस प्रकार कुल तीन नमूने संग्रहित किए गए हैं, जिन्हें गुणवत्ता एवं मानकों की जांच के लिए खाद्य प्रयोगशाला भेजा जा रहा है। प्रयोगशाला से जांच रिपोर्ट प्राप्त होने के उपरांत नियमानुसार अग्रिम कार्रवाई की जाएगी।


निरीक्षण के दौरान प्रतिष्ठान में खराब एवं उपभोग के योग्य न पाए गए खाद्य पदार्थ भी पाए गए। इनमें 85 किलोग्राम खराब चमचम, जिसकी अनुमानित कीमत 11,900 रुपये तथा 5 किलोग्राम पनीर, जिसकी कीमत 1,750 रुपये आंकी गई, शामिल हैं। उक्त दोनों खाद्य पदार्थों को विक्रेता द्वारा स्वयं मौके पर ही विनष्ट कर दिया गया, ताकि इनका जनसामान्य के उपभोग में इस्तेमाल न हो सके।
खाद्य सुरक्षा विभाग द्वारा स्पष्ट किया गया कि आमजन को सुरक्षित, स्वच्छ एवं गुणवत्तापूर्ण खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराना विभाग की प्राथमिकता है। खाद्य पदार्थों में मिलावट, खराब गुणवत्ता एवं खाद्य सुरक्षा मानकों के उल्लंघन के विरुद्ध अभियान निरंतर जारी रहेगा। साथ ही खाद्य कारोबारकर्ताओं को निर्धारित मानकों का पालन करने तथा उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य के प्रति जिम्मेदार रहने के निर्देश दिए गए।
सरदार वल्लभभाई पटेल जयंती पर कलेक्ट्रेट में प्रतिमा का अनावरण, राष्ट्रीय एकता एवं अखंडता की दिलाई गई शपथ*

*जिलाधिकारी शैलेष कुमार ने कहा—राष्ट्र की एकता और अखंडता ही देश की सबसे बड़ी ताकत, सरदार पटेल के आदर्शों को आत्मसात करने का किया आह्वान*


नितेश श्रीवास्तव


भदोही। सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती एवं राष्ट्रीय एकता दिवस के अवसर पर जनपद में विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इस अवसर पर कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी शैलेष कुमार ने लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की प्रतिमा का अनावरण कर उन्हें श्रद्धापूर्वक नमन किया। कार्यक्रम में उपस्थित अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने सरदार पटेल के व्यक्तित्व, कृतित्व तथा राष्ट्र निर्माण में उनके अतुलनीय योगदान को स्मरण करते हुए राष्ट्रीय एकता, अखंडता और आपसी सौहार्द बनाए रखने का संकल्प लिया। जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों को राष्ट्रीय एकता, अखंडता तथा राष्ट्रसेवा के प्रति निष्ठा एवं समर्पण की शपथ भी दिलाई।

इस अवसर पर जिलाधिकारी शैलेष कुमार ने कहा कि सरदार वल्लभभाई पटेल का जीवन राष्ट्र के प्रति अदम्य इच्छाशक्ति, दृढ़ संकल्प, नेतृत्व क्षमता और निःस्वार्थ सेवा का अनुपम उदाहरण है। स्वतंत्रता प्राप्ति के बाद देशी रियासतों के एकीकरण में उनकी ऐतिहासिक भूमिका ने भारत को एक मजबूत एवं संगठित राष्ट्र बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया। इसी असाधारण योगदान के कारण उन्हें लौह पुरुष के नाम से जाना जाता है। उनका संपूर्ण जीवन देश की एकता, अखंडता और राष्ट्रीय स्वाभिमान के प्रति समर्पण की प्रेरणा देता है।

जिलाधिकारी ने कहा कि सरदार पटेल के विचार आज भी उतने ही प्रासंगिक हैं, जितने स्वतंत्रता के बाद के समय में थे। उनका संदेश था कि एकता ही शक्ति है और जब राष्ट्र एकजुट होता है, तभी वह महान बनता है। किसी भी देश की वास्तविक शक्ति उसकी एकजुटता, सामाजिक समरसता, आपसी विश्वास और नागरिकों के सामूहिक प्रयासों में निहित होती है। विविधताओं से परिपूर्ण भारत की सबसे बड़ी ताकत उसकी एकता और अखंडता है। इसे बनाए रखना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।

उन्होंने अधिकारियों एवं कर्मचारियों से आह्वान किया कि वे सरदार वल्लभभाई पटेल के आदर्शों एवं विचारों को अपने जीवन और कार्यशैली में आत्मसात करें। सरकारी सेवाओं में निष्पक्षता, पारदर्शिता, अनुशासन, कर्तव्यनिष्ठा और जनहित को सर्वोच्च प्राथमिकता दें। प्रत्येक अधिकारी एवं कर्मचारी अपने दायित्वों का निर्वहन पूरी ईमानदारी, संवेदनशीलता और जवाबदेही के साथ करें, ताकि आमजन को शासन की योजनाओं एवं सेवाओं का बेहतर लाभ मिल सके। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय एकता दिवस केवल औपचारिक आयोजन नहीं, बल्कि राष्ट्र की एकता, अखंडता, सामाजिक सद्भाव और भाईचारे को मजबूत करने का संकल्प लेने का अवसर है।

इसी क्रम में विभूति नारायण इंटर कॉलेज में राष्ट्रीय एकता दिवस के अवसर पर रन फॉर यूनिटी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मुख्य विकास अधिकारी एवं भाजपा जिलाध्यक्ष दीपक मिश्रा मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उन्होंने विद्यालय के विद्यार्थियों के साथ राष्ट्रीय एकता एवं अखंडता की शपथ ली तथा सरदार वल्लभभाई पटेल के आदर्शों पर चलने का आह्वान किया।

मुख्य विकास अधिकारी ने कहा कि सरदार वल्लभभाई पटेल का संपूर्ण जीवन देश की एकता, अखंडता और राष्ट्रसेवा के लिए समर्पित रहा। उनके विचारों और आदर्शों को नई पीढ़ी तक पहुंचाना हम सभी का दायित्व है। उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय एकता दिवस के अवसर पर जनपद के सभी विद्यालयों एवं सरकारी कार्यालयों में सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती मनाई गई तथा राष्ट्रीय एकता एवं अखंडता का संदेश जन-जन तक पहुंचाया गया। उन्होंने विद्यार्थियों से आपसी भाईचारा, सहयोग, अनुशासन और राष्ट्रप्रेम की भावना को अपने जीवन में अपनाने की अपील की।

कार्यक्रम में अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) शुभांगी शुक्ला, अपर जिलाधिकारी (न्यायिक) विजय नारायण सिंह सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी तथा विद्यालय के शिक्षक एवं विद्यार्थी उपस्थित रहे।
श्री मनफूल सिंह कन्या इंटर कॉलेज में धूमधाम से मनाई गई सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती, लिया गया राष्ट्रीय एकता का संकल्प

बहसूमा।श्री मनफूल सिंह कन्या इंटर कॉलेज बहसूमा में भारत रत्न लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती 'राष्ट्रीय एकता दिवस' के रूप में श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाई गई। इस अवसर पर विद्यालय परिसर में विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया गया।कार्यक्रम की शुरुआत विद्यालय की प्रधानाचार्या श्रीमती भावना चौधरी और शिक्षकों ने सरदार वल्लभभाई पटेल के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि देने के साथ की। इस दौरान वक्ताओं ने उनके जीवन और राष्ट्र निर्माण में उनके योगदान को याद किया। प्रधानाचार्या श्रीमती भावना चौधरी ने छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि सरदार वल्लभभाई पटेल ने देश की सैकड़ों रियासतों को एक सूत्र में पिरोकर अखंड भारत का निर्माण किया। उनकी दूरदर्शिता और दृढ़ इच्छाशक्ति देश के लिए हमेशा प्रेरणास्त्रोत बनी रहेगी।कार्यक्रम के अंत में सभी शिक्षकों एवं छात्राओं ने राष्ट्र की एकता, अखंडता और सुरक्षा को बनाए रखने की शपथ ली (राष्ट्रीय एकता दिवस की शपथ)। इस अवसर पर विद्यालय परिवार के सभी शिक्षक, शिक्षणेत्तर कर्मचारी और छात्राएं उपस्थित रहे।