सरदार पटेल के त्याग और अनुशासन से प्रेरणा लें विद्यार्थी : कुलपति प्रो. आरके सिंह
जौनपुर। वीर बहादुर सिंह पूर्वांचल विश्वविद्यालय में लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती के अवसर पर अवेद्यनाथ संगोष्ठी भवन में शनिवार को राष्ट्रीय एकता दिवस समारोह-2026 का आयोजन किया गया।कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में उत्तर प्रदेश कोऑपरेटिव बैंक, लखनऊ के चेयरमैन जितेंद्र बहादुर सिंह ने कहा कि आज के इस दौर में, जब देश को वैचारिक और सामाजिक एकता की सबसे अधिक आवश्यकता है, सरदार पटेल के विचार और आदर्श हमारे लिए एक मार्गदर्शक प्रकाश पुंज की तरह हैं। युवाओं को उनके जीवन से प्रेरणा लेते हुए अपने भीतर के सामर्थ्य को पहचानना चाहिए और अनुशासन के साथ ‘राष्ट्र-प्रथम’ की भावना को अपने आचरण में उतारना चाहिए। सरदार पटेल के दिखाए मार्ग पर चलकर ही हम अपनी मेहनत और निष्ठा से 'एक भारत, श्रेष्ठ भारत' के महान संकल्प को साकार कर सकते हैं।समारोह की अध्यक्षता कुलपति प्रो. आर.के. सिंह ने की। उन्होंने कहा कि सरदार पटेल ने स्वतंत्रता संग्राम में तमाम कठिनाइयां सहते हुए भी देशहित के प्रति अपना समर्पण हमेशा बनाए रखा। उनका त्याग आज की युवा पीढ़ी को यह सिखाता है कि बड़े उद्देश्यों की प्राप्ति के लिए धैर्य, अनुशासन और व्यक्तिगत सुविधाओं से ऊपर उठकर कार्य करना आवश्यक है। उन्होंने विद्यार्थियों से आह्वान किया कि वे सरदार पटेल से प्रेरणा लेकर विपरीत परिस्थितियों में हिम्मत बनाए रखें, पूरी ईमानदारी से अध्ययन करें और अपने अर्जित ज्ञान का उपयोग समाज की भलाई के लिए करें।प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल की प्रेरणा से आयोजित समारोह में सरदार वल्लभभाई पटेल के राष्ट्र निर्माण, अखंड भारत के संकल्प और राष्ट्रीय एकता में उनके ऐतिहासिक योगदान को याद किया गया। टीडी कॉलेज के शिक्षक डॉ. सुभाष चंद्र विश्नोई द्वारा देश के हर व्यक्ति में स्वाभिमान होना चाहिए,नित्य वन्देमातरम का गान होना चाहिए प्रस्तुत किया। डॉ. नरेन्द्र देव पाठक ने भी अपनी कला का प्रदर्शन किया। इसके साथ ही विश्वविद्यालय के विभिन्न संकायों के विद्यार्थियों ने एकल और समूह गान और नृत्य की प्रस्तुतियां दी। इसके साथ की विद्यार्थियों ने रंगों के माध्यम से रंगोली बनाकर देश की एकता का संदेश दिया।कार्यक्रम के पूर्व महात्मा गांधी, सरदार वल्लभ भाई पटेल, वीर बहादुर सिंह एवं महंत अवेद्यनाथ की मूर्ति पर अतिथियों ने पुष्प अर्पित कर नमन किया।समारोह में सांस्कृतिक समिति के संयोजक प्रो. मनोज मिश्र ने अतिथियों का स्वागत किया। कुलसचिव डॉ. विनोद कुमार सिंह ने धन्यवाद ज्ञापित किया। कार्यक्रम का संयोजन डॉ. रसिकेश और राष्ट्रीय सेवा योजना के समन्वयक डॉ. शशिकांत यादव ने किया, संचालन अभिनव कीर्ति एवं अवंतिका यादव ने किया।इस अवसर पर डॉ. जगदीश सिंह दीक्षित, प्रो. अजय प्रताप सिंह, प्रो. प्रमोद यादव, प्रो. मिथिलेश सिंह, प्रो. अजय द्विवेदी, प्रो. प्रदीप कुमार, प्रो. विनोद कुमार, डॉ. राहुल सिंह, डॉ. शैलेन्द्र सिंह, डॉ. अन्नू त्यागी, डॉ. सुनील कुमार, डॉ. दिग्विजय सिंह राठौर, डॉ. अमरेन्द्र सिंह, डॉ. अनुराग मिश्र समेत विभिन्न संकायों के शिक्षक, शोधार्थी एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
Mirzapur: धान क्रय केंद्र बदले जाने से भड़के किसान, जिलाधिकारी से लगाई फरियाद
मीरजापुर। हलिया विकास खंड क्षेत्र में क्रय केंद्र बदले जाने से किसानों में आक्रोश देखा जा रहा है। किसानों ने प्रदर्शन करते हुए जिलाधिकारी से संबंधित क्रय केंद्रों को यथास्थान पर ही बनाए रखने की बात कही है। कहा है कि संबंधित अधिकारियों के इस निर्णय से उनकी मुश्किलें बढ़ जाएंगी। किसानों ने बताया कि वह देवघटा पाण्डेय (विमौरी) के मूल रूप से निवासी हैं। हलिया ब्लॉक धान का अच्छा बेल्ट है, इस साल धान का उत्पादन गत वर्ष की तुलना में बहुत अच्छा हुआ है। पिछले साल हलिया के मवई कला में 4 राजकीय धान क्रय केन्द्र संचालित था। जिसका स्थान परिवर्तन करते हुए 2 केन्द्रों को मवई कला से हटाकर कोटाघाट (बरौधा वाली रोड पर) पर तथा 2 केन्द्रों को मवई कला से हटाकर दिधुली कर दिया गया है। इससे किसानों की समस्याओं में इज़ाफ़ा हो गया है।
मवईकला क्रय केंद्र के सामने एकत्र हुए किसानों ने प्रदर्शन करते हुए कहा है कि उक्त स्थानों का परिवर्तन कराते हुए मवई कला में ही धान कय केन्द्रों को स्थापित किया जाएं। ताकि किसानों को सुविधा हो। किसानों ने आरोप लगाया है कि वह विगत 30 वर्ष से ग्राम मवई कलां में स्थित गोदाम पर धान व गेहूं का विक्रय करते हुए आएं हैं, परन्तु इस वर्ष एएमओ व एमआई हलिया की मिली भगत के कारण केंद्र को उसे 7 किमी दूर भेज दिया गया है, जिस स्थान पर केंद्र खोला जा रहा है, वहां पर किसानों को गाड़ी खड़ी करने व धान तौल करने में साथ ही मार्ग से आवागवन बाधित होने की भारी सम्भावना है, उसी रोड से कुछ 1 किमी आगे ETHONAL कम्पनी है, कम्पनी के 1000 भारी वाहनों का आवागमन होता है, कुछ दुरी पर कई विद्यालयों के बच्चों का आवागमन लगा रहता है, किसी भी दिन भयंकर दुर्घटना होने की सम्भावना है। ऐसे में सभी कृषकों के समस्याओं को ध्यान में रखते हुए पुनः पुराने स्थान पर केंद्र संचालित करवाने के लिए निर्देशित किया जाएं। किसानों ने चेतावनी दी है कि इस निर्णय को बदला नहीं गया तो धरना प्रदर्शन के लिए बाध्य होंगे।

इस दौरान प्रदर्शन करने वालों में अखिलेश पाण्डेय, त्रिपुरारी शंकर पाण्डेय, शैलेष कुमार,  रामजी पाण्डे, शुभम पाण्डेय, सकेभ सिंह, सतीश पाल इत्यादि मौजूद रहे हैं।
बेहटा, झिलाही के निकट मिठाई निर्माण इकाई पर खाद्य सुरक्षा विभाग की छापेमारी


*85 किलो खराब चमचम एवं 5 किलो पनीर विक्रेता ने कराया नष्ट, जांच के लिए तीन नमूने संग्रहित*


*गोण्डा 31 अक्टूबर,2026*। सहायक आयुक्त (खाद्य)-द्वितीय, गोण्डा के आदेशानुसार खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन विभाग की टीम द्वारा जनपद में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता एवं शुद्धता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से विशेष निरीक्षण एवं छापेमारी अभियान चलाया गया। इसी क्रम में मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी विनोद कुमार के नेतृत्व में खाद्य सुरक्षा अधिकारियों की टीम ने प्राप्त अभिसूचना के आधार पर बेहटा, झिलाही के निकट स्थित एक मिठाई निर्माण इकाई पर छापेमारी कर निरीक्षण की कार्रवाई की।
इस कार्रवाई में खाद्य सुरक्षा अधिकारी श्री मनीष मल, श्री नंदकिशोर यादव एवं श्री अंकुर मिश्रा शामिल रहे। निरीक्षण के दौरान प्रतिष्ठान पर चमचम मिठाई का निर्माण किया जा रहा था। निर्मित चमचम की गुणवत्ता निर्धारित मानकों के अनुरूप न होने की आशंका के दृष्टिगत टीम द्वारा मौके से चमचम का एक नमूना संग्रहित किया गया। इसके अतिरिक्त चमचम के निर्माण में प्रयुक्त खाद्य पदार्थ तथा पनीर का भी एक-एक नमूना लिया गया। इस प्रकार कुल तीन नमूने संग्रहित किए गए हैं, जिन्हें गुणवत्ता एवं मानकों की जांच के लिए खाद्य प्रयोगशाला भेजा जा रहा है। प्रयोगशाला से जांच रिपोर्ट प्राप्त होने के उपरांत नियमानुसार अग्रिम कार्रवाई की जाएगी।


निरीक्षण के दौरान प्रतिष्ठान में खराब एवं उपभोग के योग्य न पाए गए खाद्य पदार्थ भी पाए गए। इनमें 85 किलोग्राम खराब चमचम, जिसकी अनुमानित कीमत 11,900 रुपये तथा 5 किलोग्राम पनीर, जिसकी कीमत 1,750 रुपये आंकी गई, शामिल हैं। उक्त दोनों खाद्य पदार्थों को विक्रेता द्वारा स्वयं मौके पर ही विनष्ट कर दिया गया, ताकि इनका जनसामान्य के उपभोग में इस्तेमाल न हो सके।
खाद्य सुरक्षा विभाग द्वारा स्पष्ट किया गया कि आमजन को सुरक्षित, स्वच्छ एवं गुणवत्तापूर्ण खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराना विभाग की प्राथमिकता है। खाद्य पदार्थों में मिलावट, खराब गुणवत्ता एवं खाद्य सुरक्षा मानकों के उल्लंघन के विरुद्ध अभियान निरंतर जारी रहेगा। साथ ही खाद्य कारोबारकर्ताओं को निर्धारित मानकों का पालन करने तथा उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य के प्रति जिम्मेदार रहने के निर्देश दिए गए।
सरदार वल्लभभाई पटेल जयंती पर कलेक्ट्रेट में प्रतिमा का अनावरण, राष्ट्रीय एकता एवं अखंडता की दिलाई गई शपथ*

*जिलाधिकारी शैलेष कुमार ने कहा—राष्ट्र की एकता और अखंडता ही देश की सबसे बड़ी ताकत, सरदार पटेल के आदर्शों को आत्मसात करने का किया आह्वान*


नितेश श्रीवास्तव


भदोही। सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती एवं राष्ट्रीय एकता दिवस के अवसर पर जनपद में विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इस अवसर पर कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी शैलेष कुमार ने लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की प्रतिमा का अनावरण कर उन्हें श्रद्धापूर्वक नमन किया। कार्यक्रम में उपस्थित अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने सरदार पटेल के व्यक्तित्व, कृतित्व तथा राष्ट्र निर्माण में उनके अतुलनीय योगदान को स्मरण करते हुए राष्ट्रीय एकता, अखंडता और आपसी सौहार्द बनाए रखने का संकल्प लिया। जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों को राष्ट्रीय एकता, अखंडता तथा राष्ट्रसेवा के प्रति निष्ठा एवं समर्पण की शपथ भी दिलाई।

इस अवसर पर जिलाधिकारी शैलेष कुमार ने कहा कि सरदार वल्लभभाई पटेल का जीवन राष्ट्र के प्रति अदम्य इच्छाशक्ति, दृढ़ संकल्प, नेतृत्व क्षमता और निःस्वार्थ सेवा का अनुपम उदाहरण है। स्वतंत्रता प्राप्ति के बाद देशी रियासतों के एकीकरण में उनकी ऐतिहासिक भूमिका ने भारत को एक मजबूत एवं संगठित राष्ट्र बनाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया। इसी असाधारण योगदान के कारण उन्हें लौह पुरुष के नाम से जाना जाता है। उनका संपूर्ण जीवन देश की एकता, अखंडता और राष्ट्रीय स्वाभिमान के प्रति समर्पण की प्रेरणा देता है।

जिलाधिकारी ने कहा कि सरदार पटेल के विचार आज भी उतने ही प्रासंगिक हैं, जितने स्वतंत्रता के बाद के समय में थे। उनका संदेश था कि एकता ही शक्ति है और जब राष्ट्र एकजुट होता है, तभी वह महान बनता है। किसी भी देश की वास्तविक शक्ति उसकी एकजुटता, सामाजिक समरसता, आपसी विश्वास और नागरिकों के सामूहिक प्रयासों में निहित होती है। विविधताओं से परिपूर्ण भारत की सबसे बड़ी ताकत उसकी एकता और अखंडता है। इसे बनाए रखना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।

उन्होंने अधिकारियों एवं कर्मचारियों से आह्वान किया कि वे सरदार वल्लभभाई पटेल के आदर्शों एवं विचारों को अपने जीवन और कार्यशैली में आत्मसात करें। सरकारी सेवाओं में निष्पक्षता, पारदर्शिता, अनुशासन, कर्तव्यनिष्ठा और जनहित को सर्वोच्च प्राथमिकता दें। प्रत्येक अधिकारी एवं कर्मचारी अपने दायित्वों का निर्वहन पूरी ईमानदारी, संवेदनशीलता और जवाबदेही के साथ करें, ताकि आमजन को शासन की योजनाओं एवं सेवाओं का बेहतर लाभ मिल सके। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय एकता दिवस केवल औपचारिक आयोजन नहीं, बल्कि राष्ट्र की एकता, अखंडता, सामाजिक सद्भाव और भाईचारे को मजबूत करने का संकल्प लेने का अवसर है।

इसी क्रम में विभूति नारायण इंटर कॉलेज में राष्ट्रीय एकता दिवस के अवसर पर रन फॉर यूनिटी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मुख्य विकास अधिकारी एवं भाजपा जिलाध्यक्ष दीपक मिश्रा मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। उन्होंने विद्यालय के विद्यार्थियों के साथ राष्ट्रीय एकता एवं अखंडता की शपथ ली तथा सरदार वल्लभभाई पटेल के आदर्शों पर चलने का आह्वान किया।

मुख्य विकास अधिकारी ने कहा कि सरदार वल्लभभाई पटेल का संपूर्ण जीवन देश की एकता, अखंडता और राष्ट्रसेवा के लिए समर्पित रहा। उनके विचारों और आदर्शों को नई पीढ़ी तक पहुंचाना हम सभी का दायित्व है। उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय एकता दिवस के अवसर पर जनपद के सभी विद्यालयों एवं सरकारी कार्यालयों में सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती मनाई गई तथा राष्ट्रीय एकता एवं अखंडता का संदेश जन-जन तक पहुंचाया गया। उन्होंने विद्यार्थियों से आपसी भाईचारा, सहयोग, अनुशासन और राष्ट्रप्रेम की भावना को अपने जीवन में अपनाने की अपील की।

कार्यक्रम में अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) शुभांगी शुक्ला, अपर जिलाधिकारी (न्यायिक) विजय नारायण सिंह सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी तथा विद्यालय के शिक्षक एवं विद्यार्थी उपस्थित रहे।
श्री मनफूल सिंह कन्या इंटर कॉलेज में धूमधाम से मनाई गई सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती, लिया गया राष्ट्रीय एकता का संकल्प

बहसूमा।श्री मनफूल सिंह कन्या इंटर कॉलेज बहसूमा में भारत रत्न लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती 'राष्ट्रीय एकता दिवस' के रूप में श्रद्धा और उत्साह के साथ मनाई गई। इस अवसर पर विद्यालय परिसर में विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन किया गया।कार्यक्रम की शुरुआत विद्यालय की प्रधानाचार्या श्रीमती भावना चौधरी और शिक्षकों ने सरदार वल्लभभाई पटेल के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि देने के साथ की। इस दौरान वक्ताओं ने उनके जीवन और राष्ट्र निर्माण में उनके योगदान को याद किया। प्रधानाचार्या श्रीमती भावना चौधरी ने छात्राओं को संबोधित करते हुए कहा कि सरदार वल्लभभाई पटेल ने देश की सैकड़ों रियासतों को एक सूत्र में पिरोकर अखंड भारत का निर्माण किया। उनकी दूरदर्शिता और दृढ़ इच्छाशक्ति देश के लिए हमेशा प्रेरणास्त्रोत बनी रहेगी।कार्यक्रम के अंत में सभी शिक्षकों एवं छात्राओं ने राष्ट्र की एकता, अखंडता और सुरक्षा को बनाए रखने की शपथ ली (राष्ट्रीय एकता दिवस की शपथ)। इस अवसर पर विद्यालय परिवार के सभी शिक्षक, शिक्षणेत्तर कर्मचारी और छात्राएं उपस्थित रहे।
सरदार पटेल की जयंती पर विद्यार्थियों ने लिया राष्ट्रीय एकता का संकल्प

**डी मोनफोर अकादमी में लौह पुरुष को किया नमन, शिक्षकों ने बताए उनके जीवन के आदर्श**

**रामराज (मेरठ)।** सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती एवं राष्ट्रीय एकता दिवस पर शनिवार को डी मोनफोर अकादमी में श्रद्धांजलि कार्यक्रम आयोजित किया गया। विद्यार्थियों और शिक्षकों ने सरदार पटेल के चित्र पर पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया।

कार्यक्रम में विद्यार्थियों को सरदार पटेल के जीवन, संघर्ष और देश की एकता एवं अखंडता बनाए रखने में उनके योगदान की जानकारी दी गई। शिक्षकों ने कहा कि सरदार पटेल ने अपनी दृढ़ इच्छाशक्ति और दूरदर्शी नेतृत्व से देश को एकता के सूत्र में पिरोने का ऐतिहासिक कार्य किया। उनके विचार आज भी प्रासंगिक हैं।

प्रधानाचार्य डॉ. समीर वर्मा ने कहा कि सरदार पटेल का जीवन राष्ट्रसेवा और समर्पण की मिसाल है। निर्देशिका डॉ. गरिमा वर्मा ने विद्यार्थियों से उनके आदर्शों को जीवन में अपनाने का आह्वान किया। निदेशक डॉ. केके शर्मा ने कहा कि राष्ट्रीय एकता ही देश की सबसे बड़ी ताकत है। उपप्रधानाचार्या श्रीमती ऋतु चिकारा ने कहा कि ऐसे आयोजन विद्यार्थियों में देशभक्ति और आपसी भाईचारे की भावना को मजबूत करते हैं।

कार्यक्रम के अंत में सभी ने राष्ट्र की एकता और अखंडता बनाए रखने का संकल्प लिया।
कार्तिक का महीना पावन पर्व का, साधु संतों ने प्रशासन से की व्यवस्था दुरुस्त रखने की मांग

फर्रुखाबाद। गंगा के तट पर लगने वाले रामनगरिया मेला और ढाई घाट शमशाबाद में होने वाले कार्यक्रमों को लेकर संत समाज ने बैठक कर जिला प्रशासन से घाटों पर व्यवस्था दुरुस्त करने की मांग की है। उन्होंने कहा कि
गंगा स्नान का समय चल रहा है । इस दौरान दो विशेष पर्व पड़ेंगे इस वर्ष कार्तिक में सोमवती अमावस 9 नवंबर को पढ़ रही है जिसमें विशाल भीड होती है दूसरा पर्व कार्तिक पूर्णिमा 24 नवंबर को पड़ेगी उसमें भी विशाल भीड़ होगी, शासन प्रशासन से  सुरक्षा घाटों की साफ सफाई करवाने की बात कही और पीने के लिए जल के टैंकर शौचालय लाइट की व्यवस्था करवाई जाए जिससे आने वाले श्रद्धालुओं को किसी भी तरीके का कष्ट ना उठाना पड़े।
पुलिस अधीक्षक ने अधिकारी और कर्मचारियों को दिलाई राष्ट्रीय एकता की शपथ
फर्रुखाबाद। लौह पुरुष सरदार बल्लभभाई पटेल जी की जयंती को राष्ट्रीय एकता दिवस के रूप में मनाया गया। इस दौरान पुलिस अधीक्षक द्वारा समस्त अधिकारी और कर्मचारियों को राष्ट्रीय एकता दिवस की शपथ दिलाई गई। पुलिस अधीक्षक आरती सिंह द्वारा सभी को देश की एकता, अखंडता एवं संप्रभुता की रक्षा करने तथा राष्ट्र की आंतरिक सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए पूर्ण निष्ठा एवं समर्पण भाव से अपने कर्तव्यों का निर्वहन करने की शपथ दिलायी गयी। साथ ही सरदार वल्लभभाई पटेल जी के आदर्शों एवं राष्ट्र निर्माण में उनके अतुलनीय योगदान को स्मरण किया गया।
राष्ट्रीय एकता दिवस पर कलेक्ट्रेट सभागार में लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल को किया गया नमन

*अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने ली राष्ट्र की एकता, अखंडता एवं सुरक्षा बनाए रखने की सामूहिक शपथ*

फर्रुखाबाद । शासन के निर्देशों के क्रम में आज स्वतंत्र भारत के वास्तुकार एवं लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल जी की 151वीं जयंती के अवसर पर जनपद में राष्ट्रीय एकता दिवस कार्यक्रम का आयोजन अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व श्री अरुण कुमार सिंह की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में किया गया।

कार्यक्रम का शुभारंभ लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल जी के चित्र पर माल्यार्पण एवं पुष्प अर्पित कर उन्हें श्रद्धापूर्वक नमन करने के साथ हुआ। इस अवसर पर अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व अरुण कुमार सिंह, नगर मजिस्ट्रेट पारुल तरार सहित प्रशासनिक अधिकारियों एवं कलेक्ट्रेट के कर्मचारियों ने सरदार पटेल के चित्र पर माल्यार्पण कर उनके व्यक्तित्व एवं कृतित्व का स्मरण किया।

इस दौरान अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व अरुण कुमार सिंह ने सरदार वल्लभभाई पटेल जी के जीवन एवं राष्ट्र निर्माण में उनके अतुलनीय योगदान पर प्रकाश डालते हुए कहा कि सरदार पटेल ने स्वतंत्रता प्राप्ति के पश्चात देशी रियासतों का एकीकरण कर अखंड भारत के निर्माण में ऐतिहासिक भूमिका निभाई। उनके दृढ़ संकल्प, अदम्य साहस, दूरदर्शिता एवं कुशल नेतृत्व के कारण भारत की एकता और अखंडता को नई मजबूती मिली। देश के प्रति उनका समर्पण एवं राष्ट्रहित को सर्वोपरि रखने का उनका आदर्श हम सभी के लिए सदैव प्रेरणास्रोत रहेगा।

उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय एकता दिवस मनाने का मुख्य उद्देश्य देश की एकता, अखंडता एवं आंतरिक सुरक्षा के प्रति नागरिकों को जागरूक करना तथा राष्ट्र की एकता को मजबूत बनाए रखने के लिए सभी को अपने दायित्वों के प्रति प्रतिबद्ध करना है। सरदार पटेल के विचारों एवं आदर्शों को अपने जीवन में आत्मसात करते हुए हमें आपसी सद्भाव, सहयोग, सामाजिक समरसता एवं राष्ट्रीय एकता की भावना को और अधिक मजबूत करना चाहिए।

कार्यक्रम के दौरान उपस्थित सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों द्वारा राष्ट्र की एकता, अखंडता एवं सुरक्षा को बनाए रखने की सामूहिक शपथ ली गई। सभी ने देश की एकता एवं अखंडता की रक्षा करने, देशवासियों के बीच आपसी भाईचारे एवं सद्भाव को बढ़ावा देने तथा राष्ट्र की आंतरिक सुरक्षा सुनिश्चित करने में अपना पूर्ण योगदान देने का संकल्प लिया।

कार्यक्रम में नगर मजिस्ट्रेट सुश्री पारुल तरार सहित कलेक्ट्रेट के विभिन्न अनुभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की जयंती एवं राष्ट्रीय एकता दिवस पर आयुक्त कार्यालय में आयोजित हुआ शपथ ग्रहण समारोह*

*मण्डलायुक्त दुर्गा शक्ति नागपाल ने अधिकारियों एवं कर्मचारियों को दिलाई राष्ट्रीय एकता दिवस की शपथ, राष्ट्र की एकता, अखंडता एवं सुरक्षा के प्रति समर्पित रहने का लिया संकल्प*

गोण्डा। लौह पुरुष एवं भारत रत्न सरदार वल्लभभाई पटेल जी की जयंती के अवसर पर मनाए जाने वाले राष्ट्रीय एकता दिवस के उपलक्ष्य में आज आयुक्त कार्यालय महाराजा सुहेलदेव सभागार गोण्डा में मण्डलायुक्त  दुर्गा शक्ति नागपाल की अध्यक्षता में शपथ ग्रहण समारोह का आयोजन किया गया।

समारोह में मण्डलायुक्त ने उपस्थित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को राष्ट्रीय एकता दिवस की शपथ दिलाई। इस दौरान सभी ने राष्ट्र की एकता, अखंडता एवं सुरक्षा को बनाए रखने, देशवासियों के बीच आपसी सद्भाव और भाईचारे की भावना को सुदृढ़ करने तथा राष्ट्र की आंतरिक सुरक्षा सुनिश्चित करने में अपना योगदान देने का संकल्प लिया।

इस अवसर पर मण्डलायुक्त ने कहा कि सरदार वल्लभभाई पटेल जी का जीवन राष्ट्रसेवा, दृढ़ इच्छाशक्ति, नेतृत्व क्षमता और राष्ट्रीय एकता के प्रति अटूट प्रतिबद्धता का प्रेरणादायी उदाहरण है। उन्होंने अपनी अद्वितीय राजनीतिक दूरदर्शिता एवं दृढ़ संकल्प से देश की रियासतों का एकीकरण कर स्वतंत्र भारत को एक मजबूत राष्ट्र के रूप में स्थापित करने में ऐतिहासिक भूमिका निभाई। राष्ट्र की एकता और अखंडता के प्रति उनका योगदान सदैव स्मरणीय रहेगा।

उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय एकता दिवस हमें यह स्मरण कराता है कि देश की एकता, अखंडता और संप्रभुता बनाए रखना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है। विविधताओं से भरे हमारे देश की सबसे बड़ी शक्ति आपसी एकजुटता, सामाजिक समरसता और भाईचारे की भावना है। हम सभी को अपने दैनिक जीवन एवं कार्य व्यवहार में इन मूल्यों को आत्मसात करते हुए राष्ट्र निर्माण में सक्रिय योगदान देना चाहिए।

मण्डलायुक्त ने अधिकारियों एवं कर्मचारियों से अपेक्षा की कि वे अपने शासकीय दायित्वों का निर्वहन पूर्ण निष्ठा, ईमानदारी एवं प्रतिबद्धता के साथ करें तथा आमजन के बीच विश्वास, सहयोग और सौहार्द की भावना को बढ़ावा दें।

कार्यक्रम के अंत में सरदार वल्लभभाई पटेल जी के राष्ट्र के प्रति अतुलनीय योगदान का स्मरण करते हुए राष्ट्रीय एकता, अखंडता एवं सामाजिक सद्भाव के मूल्यों को अपने आचरण में अपनाने का संकल्प दोहराया गया।

इस अवसर पर अपर आयुक्त प्रशासन मीनू राणा, अपर आयुक्त न्यायिक राजेश  कुमार यादव, संयुक्त विकास आयुक्त राकेश कुमार पाण्डेय आयुक्त कार्यालय के समस्त संबंधित अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।