वाराणसी शिक्षक एमएलसी सीट पर सपा का परचम, लाल बिहारी यादव लगातार दूसरी बार जीते
लखनऊ , वाराणसी। उत्तर प्रदेश विधान परिषद की वाराणसी खंड शिक्षक सीट पर समाजवादी पार्टी (सपा) के प्रत्याशी लाल बिहारी यादव ने लगातार दूसरी बार जीत दर्ज कर पार्टी का परचम लहराया है। उन्होंने अपने निकटतम प्रतिद्वंदी  भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के डॉ. प्रमोद मिश्रा को 5,015 मतों से शिकस्त दी। 

वाराणसी खंड शिक्षक सीट पर लाल बिहारी यादव की जीत की घोषणा होते ही सपा कार्यकर्ताओं और समर्थकों ने जश्न मनाना शुरू कर दिया। कार्यकर्ताओं ने एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर जीत की बधाई दी। इस दौरान पार्टी के समर्थन में जमकर नारे लगाए गए। ढोल-नगाड़ों की धुन पर समर्थक खुशी से झूमते नजर आए। देर रात तक एक-दूसरे को बधाई देने का सिलसिला जारी रहा।

जानकारी के अनुसार लाल बिहारी यादव को कुल 11,612 मत मिले, जबकि डॉ. प्रमोद मिश्रा के खाते में 6,597 मत आए। इस जीत से सपा कार्यकर्ताओं में जबरदस्त उत्साह देखने को मिला। परिणाम घोषित होते ही समर्थकों ने नारेबाजी की और ढोल-नगाड़ों की थाप पर जमकर झूमे।

जीत हासिल करने के बाद लाल बिहारी यादव ने सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव को धन्यवाद दिया। उन्होंने कहा कि यह जीत अखिलेश यादव की नीतियों और शिक्षकों से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता से उठाने का परिणाम है। उन्होंने पुरानी पेंशन योजना की बहाली, गैर-वित्तपोषित शिक्षकों के मानदेय, सहायता प्राप्त और सरकारी स्कूलों के शिक्षकों की सेवा शर्तों तथा अल्पसंख्यक विद्यालयों और मदरसों में मानदेय से जुड़े विषयों का उल्लेख किया। इसके अलावा, उन्होंने डिग्री कॉलेजों में सेमेस्टर आधारित परीक्षाओं के विरोध को भी शिक्षकों से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों में शामिल बताया।

लाल बिहारी यादव ने कहा कि पिछले चुनाव में उन्होंने लगभग एक हजार मतों के अंतर से जीत हासिल की थी, जबकि इस बार जीत का अंतर बढ़कर पांच हजार से अधिक मतों का हो गया है। उनके अनुसार, यह परिणाम पार्टी और उनके प्रति शिक्षकों के बढ़ते विश्वास को दर्शाता है।उन्होंने उम्मीद जताई कि अखिलेश यादव एक बार फिर उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री बनेंगे और शिक्षकों की समस्याओं का समाधान करेंगे। सपा की सरकार शिक्षकों के साथ खड़ी है, इसलिए दूसरी बार भी इन लोगों ने मुझे जिताया है, मैंने इनसे जो वादा किया है उसे जल्द से जल्द पूरा करने का प्रयास करूंगा।
तिहरे हत्याकांड में आराेपित ऋषभ शुक्ला के घर देर रात काे चला बुलडाेजर
लखनऊ। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ के सहादतगंज थाना क्षेत्र में हुए तिहरे हत्याकांड में आराेपित ऋषभ शुक्ला के घर देर रात काे बुलडाेजर की कार्रवाई हुई। इस दौरान पुलिस और लखनऊ विकास प्राधिकरण (एलडीए), नगर निगम की टीम मौजूद रही।

एलडीए के अपर सचिव ज्ञानेंद्र वर्मा के मुताबिक, जांच में आरोपित का मकान का एक हिस्सा नजूल की जमीन पर अवैध रुप से निर्मित पाया गया है। जिसको चिन्हित कर नजूल के अधिकारियों ने चारों तरफ से सील कर दिया था। देर रात को विभाग का बुलडोजर आरोपित के घर पहुंचा और पूरी कानूनी प्रक्रिया के तहत अवैध हिस्से को धवस्त कर दिया गया। कार्रवाई के दौरान बवाल की आशंका पर भारी संख्या में पुलिस फोर्स तैनात थी। विभाग के अधिकारी और पुलिस वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।

उल्लेखनीय है कि सोमवार को कार की पार्किंग के दौरान हुए विवाद में पड़ोसी ऋषभ ने शिवाजी तिवारी (65) उनके भाई शिवेंद्र तिवारी (55) और उनके बेटे सुयश तिवारी की गाेली मारकर हत्या कर दी थी। मृतक शिवा तिवारी सचिवालय से रिटायर्ड और राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ (आरएसएस) के जिला सर कार्यवाह रह चुके थे। घटना के बाद परिवार ने शव को सड़क पर रखकर हंगामा किया था। परिवार के साथ भाजपा और सघ के कार्यकर्ता और पदाधिकारी मौजूद थे। परिवार की मांग पर उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक पहुंचे और परिवार को आश्वासन दिया था कि उनके साथ न्याय होगा। आरोपित के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी। इसके बाद प्रशासन ने कार्रवाई शुरु कर दी है।
प्रयागराज: पुश्तैनी हुनर बचाने की जद्दोजहद, दो बार आवेदन के बाद भी नहीं मिली इलेक्ट्रॉनिक चाक
प्रयागराज,।दीपावली पर घर-आंगन को रोशन करने के लिए मिट्टी के दीये और खिलौने तैयार करने में कुम्हार दिन-रात जुटे हैं। उनके हाथों से आकार ले रहे मिट्टी के दीये दूसरों के घरों में उजाला फैलाएंगे, लेकिन इन कारीगरों के अपने जीवन में आर्थिक परेशानियों का अंधेरा अब भी बना हुआ है। मिट्टी के बर्तन बनाने का पुश्तैनी कारोबार कभी उनकी आजीविका का प्रमुख साधन था, लेकिन बदलते समय के साथ इसकी कमाई से परिवार का खर्च चलाना मुश्किल होता जा रहा है। ऐसे में नई पीढ़ी भी इस हुनर को अपनाने से पीछे हट रही है।

सोरांव तहसील के जगदीशपुर पूरे चन्दा गांव निवासी तेज बहादुर प्रजापति दीपावली से पहले मिट्टी के दीये और अन्य खिलौने बनाने में जुटे हैं। मिट्टी को आकार देकर दीये तैयार करने वाले तेज बहादुर के मन में अपने पुश्तैनी कारोबार को बचाने की चिंता भी है। उनका कहना है कि मिट्टी के बर्तन बनाना उनके परिवार का पारंपरिक काम है, लेकिन अब इससे इतनी कमाई नहीं हो पाती कि परिवार का खर्च आसानी से चल सके। यही वजह है कि आने वाली पीढ़ी इस काम को सीखने में रुचि नहीं दिखा रही है।

तेज बहादुर बताते हैं कि केंद्र और प्रदेश सरकार की ओर से कुम्हार समाज की आर्थिक स्थिति मजबूत करने और पारंपरिक कारोबार को बढ़ावा देने के प्रयासों से उन्हें भी उम्मीद जगी थी। इलेक्ट्रॉनिक चाक मिलने की जानकारी के बाद उन्हें लगा कि इससे मिट्टी के बर्तन बनाने का काम आसान होगा और उत्पादन भी बढ़ सकेगा। उम्र बढ़ने के साथ मेहनत का काम कठिन होता जा रहा है। ऐसे में इलेक्ट्रॉनिक चाक मिल जाता तो उन्हें अपना पुश्तैनी हुनर जारी रखने और परिवार का भरण-पोषण करने में सहारा मिलता।

उनके मुताबिक, इलेक्ट्रॉनिक चाक के लिए दो बार फार्म भरवाया गया। कुछ लोग उनके घर भी आए और आवेदन की प्रक्रिया पूरी कराई गई, लेकिन अब तक उन्हें चाक नहीं मिल सका। इससे उनकी उम्मीदों को झटका लगा है। वह कहते हैं कि सरकार की योजना से उन्हें काफी आस थी, लेकिन बार-बार आवेदन करने के बाद भी मदद नहीं मिलने से अब भरोसा कमजोर पड़ गया है।

हुनर बचाने के लिए मदद की दरकार

तेज बहादुर की चिंता केवल आर्थिक परेशानी तक सीमित नहीं है। उन्हें डर है कि यदि मिट्टी के बर्तन बनाने के काम से पर्याप्त आमदनी नहीं हुई और आधुनिक साधन नहीं मिले, तो आने वाली पीढ़ी इस पारंपरिक कला से दूर हो जाएगी। दीपावली जैसे त्योहारों पर मिट्टी के दीयों की मांग कुम्हारों के लिए कमाई का अवसर लेकर आती है, लेकिन पूरे साल परिवार चलाने की चुनौती बनी रहती है।

ऐसे में तेज बहादुर जैसे कारीगरों को इलेक्ट्रॉनिक चाक उपलब्ध कराने के साथ उनके उत्पादों की बिक्री बढ़ाने के अवसर भी देने की जरूरत है। इससे उनकी मेहनत को उचित मूल्य मिल सकेगा और मिट्टी के दीये बनाने की परंपरा भी आगे बढ़ सकेगी। दीपावली पर दूसरों के घरों को रोशन करने वाले इन कारीगरों के जीवन में भी खुशहाली का उजाला पहुंचे, यही उनकी सबसे बड़ी उम्मीद है।
यूपी एमएलसी चुनाव: मेरठ की दोनों सीटों पर भाजपा का कब्जा, मतगणना के दौरान कई जगहों पर हंगामा
लखनऊ। उत्तर प्रदेश में 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले सियासी ताकत का संकेत माने जा रहे विधान परिषद के शिक्षक और स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों की मतगणना के बीच मेरठ की दोनों सीटों पर भाजपा ने जीत दर्ज की है। शिक्षक सीट पर श्रीचंद शर्मा और स्नातक सीट पर दिनेश गोयल ने समाजवादी पार्टी के प्रत्याशियों को हराकर लगातार दूसरी बार इन सीटों पर भाजपा का कब्जा बरकरार रखा। 

वहीं, मतगणना के दौरान लखनऊ और झांसी में हंगामे की घटनाएं सामने आईं। वाराणसी शिक्षक सीट पर पहले दौर की गिनती में सपा प्रत्याशी लाल बिहारी यादव आगे चल रहे हैं। प्रदेश की 11 विधान परिषद सीटों के लिए मंगलवार सुबह आठ बजे से मतगणना शुरू हुई। पांच स्नातक और छह शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों के लिए हुई वोटों की गिनती प्रदेश के सात जिलों में कराई जा रही है।

चुनाव लखनऊ, वाराणसी, आगरा और मेरठ के शिक्षक एवं स्नातक निर्वाचन क्षेत्रों के अलावा इलाहाबाद-झांसी स्नातक, बरेली-मुरादाबाद शिक्षक और गोरखपुर-फैजाबाद शिक्षक निर्वाचन क्षेत्रों में हुआ है। मेरठ में भाजपा ने शिक्षक और स्नातक, दोनों निर्वाचन क्षेत्रों में अपने मौजूदा विधान परिषद सदस्यों पर भरोसा जताया था। दोनों प्रत्याशियों ने सपा उम्मीदवारों को हराकर पार्टी का कब्जा कायम रखा। शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में भाजपा के श्रीचंद शर्मा ने सपा प्रत्याशी नितिन तोमर को 13,241 मतों से पराजित किया। श्रीचंद शर्मा को 18,099 वोट मिले, जबकि नितिन तोमर के खाते में 4,858 वोट आए।

वहीं, मेरठ स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में भाजपा के दिनेश गोयल ने सपा प्रत्याशी प्रमेंद्र भाटी को 12,855 मतों के अंतर से हराया। दिनेश गोयल को 24,928 वोट मिले, जबकि प्रमेंद्र भाटी को 12,073 मत प्राप्त हुए। दोनों सीटों पर मुख्य मुकाबला भाजपा और सपा के प्रत्याशियों के बीच रहा। शिक्षक संगठनों से जुड़े प्रत्याशी इन सीटों पर प्रमुख मुकाबले में जगह नहीं बना सके। प्रशासन की ओर से देर रात जीत की औपचारिक घोषणा की गई, जबकि प्रत्याशियों के समर्थक शाम करीब सात बजे से ही जीत का जश्न मनाने लगे थे।

लखनऊ के रमाबाई आंबेडकर रैली स्थल पर मंगलवार रात करीब 10 बजे भाजपा प्रत्याशी के कुछ समर्थकों के मतगणना परिसर में प्रवेश करने की कोशिश के दौरान हंगामा हो गया। वहां मौजूद सपा प्रत्याशियों के समर्थकों ने आरोप लगाया कि पुलिसकर्मी बिना पास की जांच किए भाजपा कार्यकर्ताओं को अंदर जाने दे रहे हैं। इसको लेकर गेट पर शोर-शराबा हुआ और कुछ देर के लिए अफरा-तफरी की स्थिति बन गई। इसके अलावा स्नातक निर्वाचन क्षेत्र की सातवीं टेबल पर मतगणना के दौरान भाजपा और सपा समर्थकों के बीच हल्की नोकझोंक भी हुई।

सूचना मिलने पर पुलिस के अन्य अधिकारी मौके पर पहुंचे और लोगों को समझाकर शांत कराया। इसके बाद प्रवेश द्वार पर तैनात पुलिसकर्मियों ने पास की जांच के बाद ही लोगों को अंदर जाने दिया। इलाहाबाद-झांसी स्नातक निर्वाचन क्षेत्र की मतगणना के दौरान भी मंगलवार रात करीब 10 बजे हंगामा हुआ। इससे मतगणना स्थल पर कुछ देर के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया।

सूचना मिलने पर एसपी सिटी प्रिया सिंह मौके पर पहुंचीं और स्थिति संभाली। उन्होंने हंगामा कर रहे लोगों को समझाकर शांत कराया। एसपी सिटी ने बताया कि स्थिति पूरी तरह नियंत्रण में है और मतगणना शांतिपूर्ण तरीके से जारी है। हंगामे की वजह का पता लगाया जा रहा है।

वाराणसी शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र में पहले दौर की मतगणना पूरी होने के बाद समाजवादी पार्टी के प्रत्याशी लाल बिहारी यादव आगे चल रहे हैं। अन्य निर्वाचन क्षेत्रों में भी मतगणना जारी रहने के बीच सभी की नजरें नतीजों पर टिकी हैं।
कुशीनगर : प्रेम प्रसंग में युवती की हत्या, आरोपित हिरासत में
लखनऊ । कुशीनगर जिले के हाटा कोतवाली क्षेत्र के बेलवा सुदामा गांव में मंगलवार की रात प्रेम प्रसंग में एक युवती की गला रेतकर हत्या किए जाने का मामला सामने आया है। आरोप है कि युवक, युवती के घर में घुसा और बंद कमरे में दोनों के बीच विवाद के बाद हाथापाई हुई। इसी दौरान युवती पर धारदार हथियार से हमला किया गया।

युवती की चीख सुनकर परिजन कमरे की ओर दौड़े। दरवाजा अंदर से बंद होने पर उसे तोड़कर खोला गया और आरोपी युवक को पकड़ लिया गया। इसके बाद ग्रामीणों ने युवक की पिटाई कर दी। सूचना पर पहुंची पुलिस ने आरोपी को हिरासत में लेकर जांच शुरू कर दी।

गांव में तनाव को देखते हुए भारी पुलिस बल तैनात

मंगलवार देर रात घटना के बाद गांव में तनाव को देखते हुए भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। एसपी केशव कुमार और एएसपी सिद्धार्थ वर्मा ने घटनास्थल का निरीक्षण किया। वही, पुलिस अधीक्षक केशव कुमार ने बताया कि पुलिस आरोपी से पूछताछ कर हत्या के कारणों और घटनाक्रम की जांच कर रही है। मामले में आगे की कार्रवाई जांच के आधार पर की जाएगी।
दवा लेकर लौट रही युवती को जबरन लगाया सिंदूर, मुकदमा दर्ज
*रास्ता रोक कर किया छेड़खानी

गोंडा।जिले के वजीरगंज थाना क्षेत्र अंतर्गत एक 28 वर्षीय युवती का रास्ता रोककर छेड़छाड़ करने और जबरन उसकी मांग में सिंदूर लगाने का मामला सामने आया है।पीड़िता की मां की तहरीर पर पुलिस ने मंगलवार देर शाम लगभग 6.30 बजे निसार अली और एक अज्ञात व्यक्ति के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कर विवेचना प्रारंभ कर दिया है,इसके साथ ही पुलिस आरोपियों की तलाश में गोंडा से लेकर बहराइच तक छापेमारी कर रही है।पीड़िता की मां द्वारा वजीरगंज थाने में दिए गए तहरीर में बताया गया है कि उसकी बेटी 25 अक्टूबर 2026 को अपरान्ह लगभग 12.30 बजे दुर्जनपुर घाट स्थित बाजार से दवा लेकर घर लौट रही थी कि इसी दौरान बहराइच जिले के हुजूरपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत टिकईपुरवा लौकाही गांव का रहने वाला निसार अली पुत्र अकबर अली अपने एक अज्ञात साथी के साथ वहाँ पहुंचा और युवती का रास्ता रोक लिया।तहरीर के अनुसार दोनों आरोपियों ने युवती को जबरन पकड़ लिया और उसकी मांग में सिंदूर लगा दिया।आरोप है कि इस दौरान छेड़छाड़ करते हुए उस पर अपने साथ भाग चलने का भी दबाव बनाया गया।युवती ने विरोध करते हुए शोर मचाया तो दोनों आदमी मौके से भाग निकले।पीड़िता के अनुसार,लोक लाज और बातचीत के प्रयास के कारण पुलिस को तहरीर देने में देरी हुई।वजीरगंज थाने की पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता की धारा 74,126 और 351(3) के तहत आरोपियों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज किया है।धारा 74 महिला की लज्जा भंग करने के इरादे से हमला या आपराधिक बल प्रयोग,धारा 126 गलत तरीके से रोकने और धारा 351(3) आपराधिक धमकी से संबंधित है।प्रकरण की विवेचना उपनिरीक्षक योगेंद्र सिंह को सौंपा गया है।वजीरगंज थानाध्यक्ष दिनेश सिंह ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है और आरोपियों की गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहे हैं,साथ ही पीड़िता से पूछताछ कर उसके बयान भी दर्ज किए जा रहे हैं।
नारकोटिक्स की बैठक जिला अधिकारी की अध्यक्षता में संपन्न हुई
फर्रुखाबाद । जनपद स्तरीय समिति की मासिक बैठक कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी डॉक्टर अंकुर लाठर की अध्यक्षता में आयोजित की गई। जिसमें  जनपद के विभिन्न विभागों के अधिकारियों ने प्रतिभाग किया।
बैठक में समाज कल्याण विभाग, आबकारी विभाग, पुलिस विभाग, अभियोजन विभाग, शिक्षा विभाग, चिकित्सा विभाग, वन विभाग, कृषि विभाग, परिवहन विभाग सहित अन्य संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
अपर जिलाधिकारी ने बैठक में निर्देशित किया कि जनपद में नशीली दवाइयों एवं नारकोटिक्स के प्रयोग पर प्रभावी नियंत्रण सुनिश्चित किया जाए तथा युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करने हेतु व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाया जाए। उन्होंने निर्देश दिए कि विद्यालयों, स्कूलों, कॉलेजों, समितियों एवं सार्वजनिक स्थलों पर प्रचार-प्रसार, जागरूकता कार्यक्रम, गोष्ठियां एवं संवाद कार्यक्रम आयोजित किए जाएं।
नारकोटिक्स से संबंधित दर्ज अभियोगों की समीक्षा करते हुए अपर जिलाधिकारी ने पुलिस विभाग, अभियोजन विभाग एवं आबकारी विभाग को प्रभावी प्रवर्तन कार्रवाई करने तथा अभियोजन संबंधी कार्यवाहियों को समयबद्ध रूप से पूर्ण कराने के निर्देश दिए।
समाज कल्याण विभाग को जनपद में संचालित नशा मुक्ति केंद्रों की सक्रियता बढ़ाने तथा आमजन को नशीले पदार्थों एवं नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करने हेतु विभिन्न कार्यक्रम आयोजित कराने के निर्देश दिए गए।
शिक्षा विभाग को निर्देशित किया गया कि जनपद के समस्त विद्यालयों एवं महाविद्यालयों में छात्र-छात्राओं को नशे से दूर रहने हेतु शपथ कार्यक्रम आयोजित किए जाएं। साथ ही नुक्कड़ नाटक, पोस्टर प्रतियोगिता, भाषण प्रतियोगिता एवं अन्य रचनात्मक गतिविधियों के माध्यम से युवाओं में जागरूकता बढ़ाई जाए।
चिकित्सा विभाग को समस्त मेडिकल स्टोरों की नियमित जांच सुनिश्चित करने तथा प्रतिबंधित एवं नशीली दवाओं की अवैध बिक्री पर प्रभावी नियंत्रण हेतु आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए। आबकारी विभाग को समस्त आबकारी दुकानों की सघन जांच करने एवं बढ़ते नशे के प्रयोग पर अंकुश लगाने हेतु प्रभावी प्रवर्तन कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
बैठक के अंत में अपर जिलाधिकारी द्वारा उपस्थित सभी अधिकारियों एवं कर्मचारियों को नशीली दवाओं एवं नारकोटिक्स से जनपद को नशामुक्त बनाने हेतु समन्वित प्रयास करने का आह्वान किया गया।
बैठक उपरांत अपर जिलाधिकारी ने कहा कि युवाओं को नशे की गिरफ्त से बचाना समाज एवं प्रशासन की सामूहिक जिम्मेदारी है तथा इस दिशा में सभी विभाग समन्वित रूप से कार्य करें।
सीएम डैशबोर्ड पर विभागीय प्रगति की नियमित फीडिंग सुनिश्चित करें अधिकारी, विकास कार्यों की गुणवत्ता एवं समयबद्ध पूर्णता पर दें विशेष ध्यान : जिला
*50 लाख एवं उससे अधिक लागत की निर्माणाधीन परियोजनाओं की समीक्षा कर जिलाधिकारी ने दिए आवश्यक दिशा-निर्देश*

फर्रुखाबाद । सीएम डैशबोर्ड पर जनपद के विकास कार्यक्रमों एवं 50 लाख रुपये से अधिक लागत की निर्माण परियोजनाओं की प्रगति की समीक्षा जिला अधिकारी डॉ अंकुर लाठर की अध्यक्षता में बैठक कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित की गई। बैठक में जिलाधिकारी ने विभिन्न विभागों द्वारा संचालित विकासपरक योजनाओं, निर्माण कार्यों की प्रगति तथा सीएम डैशबोर्ड पोर्टल पर विभागीय सूचनाओं की फीडिंग की स्थिति की विस्तार से समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

जिलाधिकारी ने कहा कि सभी जनपद स्तरीय अधिकारी अपने-अपने विभाग से संबंधित योजनाओं एवं विकास कार्यक्रमों की प्रगति की नियमित समीक्षा करें तथा सीएम डैशबोर्ड पोर्टल पर निर्धारित समयसीमा के भीतर सही एवं अद्यतन आंकड़ों की फीडिंग अनिवार्य रूप से सुनिश्चित करें। उन्होंने स्पष्ट किया कि विभागीय डाटा की फीडिंग में किसी भी प्रकार की लापरवाही अथवा अनावश्यक देरी नहीं होनी चाहिए। डाटा फीडिंग के अभाव में जनपद की रैंकिंग प्रभावित नहीं होनी चाहिए। सभी अधिकारी अपने विभाग की प्रगति के संबंध में विशेष सतर्कता बरतें तथा पोर्टल पर उपलब्ध आंकड़ों का संबंधित अभिलेखों से मिलान कर उनकी शुद्धता सुनिश्चित करें।

*सड़क निर्माण कार्यों की गुणवत्ता पर विशेष जोर*

लोक निर्माण विभाग के कार्यों की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि जनपद में सड़कों के निर्माण एवं मरम्मत कार्यों में गुणवत्ता मानकों का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित किया जाए। निर्माण कार्यों में प्रयुक्त सामग्री की गुणवत्ता तथा कार्य की वास्तविक प्रगति पर विशेष ध्यान दिया जाए। उन्होंने कहा कि सड़क निर्माण कार्यों की पारदर्शिता एवं प्रभावी निगरानी के लिए संबंधित अधिकारी निर्माण स्थलों की गूगल लोकेशन के साथ फोटोग्राफ भी उपलब्ध कराएं, जिससे कार्यस्थल की स्थिति एवं निर्माण कार्यों की प्रगति का सत्यापन किया जा सके। संबंधित अधिकारी निर्माण कार्यों का नियमित निरीक्षण करते हुए निर्धारित मानकों के अनुरूप कार्य पूर्ण कराना सुनिश्चित करें।

*पांचाल घाट पर आवारा गोवंश एवं बंदरों के प्रबंधन के निर्देश*

जिलाधिकारी ने पांचाल घाट क्षेत्र में आवारा गोवंश की समस्या पर संज्ञान लेते हुए संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि वहां विचरण कर रहे निराश्रित गोवंश को पकड़कर निर्धारित गो-आश्रय स्थल पर पहुंचाने की कार्यवाही सुनिश्चित की जाए। इसके साथ ही क्षेत्र में बंदरों की समस्या के समाधान के लिए भी नियमानुसार आवश्यक कार्यवाही करते हुए उन्हें निर्धारित एवं उपयुक्त स्थल पर पहुंचाने की व्यवस्था की जाए। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनसामान्य की सुरक्षा, आवागमन की सुविधा तथा घाट क्षेत्र की व्यवस्थाओं को ध्यान में रखते हुए इस कार्य को प्राथमिकता के आधार पर कराया जाए।

*प्रोजेक्ट अलंकार एवं जननी सुरक्षा योजना की समीक्षा*

जिला विद्यालय निरीक्षक को प्रोजेक्ट अलंकार के अंतर्गत संचालित कार्यों की प्रगति में तेजी लाने के निर्देश दिए गए। जिलाधिकारी ने कहा कि योजना के अंतर्गत निर्धारित लक्ष्यों की नियमित समीक्षा करते हुए लंबित कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाया जाए तथा प्रगति में अपेक्षित सुधार सुनिश्चित किया जाए।

जननी सुरक्षा योजना की समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि योजना के अंतर्गत लाभार्थियों से संबंधित आवश्यक सूचनाओं की पोर्टल पर फीडिंग की कार्यवाही में तेजी लाई जाए। उन्होंने आशा एवं एएनएम के कार्यों की नियमित निगरानी करने तथा उनके माध्यम से किए जा रहे कार्यों की प्रगति का प्रभावी अनुश्रवण सुनिश्चित करने को कहा, जिससे पात्र लाभार्थियों को योजना का लाभ समय से मिल सके और विभागीय कार्यों में अनावश्यक विलंब न हो।

*50 लाख रुपये एवं उससे अधिक लागत की निर्माण परियोजनाओं की समीक्षा*

बैठक में जिलाधिकारी ने 50 लाख रुपये एवं उससे अधिक लागत की निर्माणाधीन एवं पूर्ण परियोजनाओं की विभागवार समीक्षा की। उन्होंने संबंधित कार्यदायी संस्थाओं एवं विभागीय अधिकारियों से परियोजनाओं की वर्तमान स्थिति, निर्माण कार्यों की प्रगति तथा हस्तांतरण की स्थिति के संबंध में जानकारी प्राप्त की।

जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि जिन परियोजनाओं का निर्माण कार्य शत-प्रतिशत पूर्ण हो चुका है, उन्हें सभी आवश्यक औपचारिकताएं पूरी करते हुए संबंधित विभाग को शीघ्र हस्तांतरित किया जाए, ताकि उनका उपयोग जनहित में प्रारंभ किया जा सके। उन्होंने कहा कि निर्माण कार्यों को अनावश्यक रूप से लंबित न रखा जाए तथा प्रत्येक परियोजना की प्रगति पर नियमित निगरानी रखी जाए। संबंधित अधिकारी निर्माण कार्यों की गुणवत्ता, निर्धारित समयसीमा तथा उपयोगिता सुनिश्चित करते हुए शेष कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूर्ण कराएं।

जिलाधिकारी ने सभी अधिकारियों को निर्देशित किया कि शासन की प्राथमिकताओं के अनुरूप विकास योजनाओं का प्रभावी क्रियान्वयन सुनिश्चित करें। विभागीय समन्वय के साथ कार्य करते हुए लंबित प्रकरणों का समयबद्ध निस्तारण करें तथा विकास कार्यों में गुणवत्ता, पारदर्शिता एवं जवाबदेही बनाए रखें।

बैठक में मुख्य विकास अधिकारी विनोद कुमार गौड़, प्रभागीय निदेशक सामाजिक वानिकी राजीव कुमार, जिला विकास अधिकारी श्याम कुमार तिवारी, अपर पुलिस अधीक्षक गिरीश कुमार सिंह, परियोजना निदेशक डीआरडीए कपिल कुमार, उपायुक्त जीएसटी हिम्मत सिंह, जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी वीरेंद्र कुमार, उप निदेशक कृषि अरविंद मोहन, जिला उद्यान अधिकारी राघवेंद्र सिंह, जिला पिछड़ा वर्ग कल्याण अधिकारी योगेश पाण्डेय सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
शहीद स्मारक परिसर में शो पीस बना पोल महीनो से राष्ट्रीय ध्वज गायब

चंदौली,धानापुर l थाना परिसर के बगल में स्थितशहीद स्मारक परिसर में धानापुर  अमर शहीदो के सम्मान में  आन बान शान के साथ फहरने वाला विशाल काय राष्ट्रीय ध्वज विगत कई महीने से पोल  से गायब है l उधर लोहे क़ा पोल राष्ट्रीज ध्वज के इंतजार में शो पीस बनकर खड़ा है l

बताया जाता है किधानापुर की शहीदी धरती के वीर सपूतो ने देश की आजादी में अपने प्राण न्योवछा वर करने वाले अमर शहीदो  के सम्मान में व स्वतंत्रता सेनानियों की याद में बना शहीद स्मारक परिसर में विगत वर्षो पूर्व में लगा विशालकाय राष्ट्रीय ध्वज    विगत चार माह पूर्व तेज आंधी तूफान के दौरान क्षतिग्रस्त हालत में काफ़ी दिनों तक पोल फहर रहा था   l जिसे देख स्थानीय मिडिया द्वारा ध्यानाकर्षण के पश्चात कमेटी द्वारा उक्त क्षतिग्रस्त पुरानेहो चुके ध्वज को बदलने के लिए  पोल से उतार दिया गया  था l मगर उसके बाद काफ़ी समय बीत जाने के बाद भीआज तक नया ध्वज नहीं लगाया गया  बिना ध्वज के ही पोल शो पीस बना हुआ है l
ग्रामीणों क़ा कहना है कि विगत दिनों क्षेत्रीय विधायक सुशील सिंह द्वारा आयोजित श्री राम कथा के आयोजन में शामिल होने के लिए इसी मार्ग से उप मुख्यमंत्री बृजेश पाठक सहित कई मंत्री व दर्जनो नेता गये लेकिन किसी निगाह राष्ट्रीय ध्वज पर नहीं गयी  l उधर शहीद स्मारक परिसर के देखरेख हेतु बनी   कमेटी के पदाधिकारियों द्वारा नजर अंदाज किया जा रहा है जिससे क्षेत्रीय जनता में तरह तरह की चर्चाएं व्याप्त हो रही है l
উত্তমকে নিয়ে বিজেপিতে গৃহযুদ্ধ! অর্জুনের পর এবার নিশানায় কৌস্তভ, পাল্টা তোপ সেন্ট্রাল কমিটির

*ব্যারাকপুরের প্রাক্তন চেয়ারম্যানের গেরুয়া শিবিরে যোগের জল্পনায় প্রকাশ্যে অন্তর্কলহ, 'সুযোগসন্ধানী' বলে কৌস্তভকে পাল্টা আক্রমণ বিজেপি নেতৃত্বের*

*ব্যারাকপুর:* ফের প্রকাশ্যে উত্তর ২৪ পরগনার ব্যারাকপুরে বিজেপির গোষ্ঠীদ্বন্দ্ব। এবার দ্বন্দ্বের কেন্দ্রে ব্যারাকপুরের প্রাক্তন চেয়ারম্যান তথা প্রাক্তন তৃণমূল নেতা উত্তম দাস। তাঁর বিজেপিতে যোগদানের জল্পনা ঘিরে কার্যত দু'ভাগে ভাগ হয়ে গেল গেরুয়া শিবির। একদিকে বিধায়ক কৌস্তভ বাগচির বিস্ফোরক আপত্তি, অন্যদিকে বিজেপি কেন্দ্রীয় কমিটির পাল্টা হুঁশিয়ারি।

ঘটনার সূত্রপাত চলতি বছরের ২১ জুন। ব্যারাকপুরে আয়োজিত ইস্টবেঙ্গল-মোহনবাগান প্রীতি ম্যাচে আমন্ত্রিত ছিলেন স্থানীয় বিজেপি বিধায়ক কৌস্তভ বাগচি এবং রাজ্যের পরিবহণ মন্ত্রী তথা ব্যারাকপুরের প্রাক্তন সাংসদ অর্জুন সিং। সেই মঞ্চেই উত্তম দাসের উপস্থিতি নিয়ে আপত্তি তোলেন কৌস্তভ। অনুষ্ঠান ছেড়ে বেরিয়ে যেতে যেতে তিনি প্রকাশ্যে বলেন, "উত্তমের মতন মানুষ অনুষ্ঠানে থাকলে আমি থাকব না।"

সেই ঘটনার রেশ কাটতে না কাটতেই সোমবার ফের উত্তম দাসের বিজেপিতে যোগদানের জল্পনা তীব্র হয়। আর তাতেই ফের বিদ্রোহী হয়ে ওঠেন কৌস্তভ বাগচি। শুধু উত্তম দাসই নন, বিজেপি কর্মী খুনের মামলায় অর্জুন সিংয়ের ভূমিকা নিয়েও তিনি অনুযোগ জানান। তাঁর স্পষ্ট বক্তব্য, দলের পুরনো এবং লড়াকু কর্মীদের উপেক্ষা করে বাইরে থেকে আসা নেতাদের গুরুত্ব দেওয়া হচ্ছে, যা মেনে নেওয়া যায় না।

এদিকে আজ উত্তম দাসের বাড়িতে সৌজন্য সাক্ষাৎ করতে যান বিজেপির প্রতিনিধি দল। এই সাক্ষাৎ নিয়েই কৌস্তভ জলঘোলা করছেন বলে পাল্টা তোপ দেগেছে বিজেপি নেতৃত্ব।

বিজেপির কমিটির সদস্য অহীন বসু কৌস্তভকে একহাত নিয়ে বলেন, "যিনি বলছেন তিনিও তো একটা কংগ্রেস দল থেকে এসেছেন। কৌস্তভ বাগচির নামে অনেক অভিযোগ আছে। উনি হঠাৎ করে টিকিট পেয়ে বিজেপির বড় নেতা হয়ে গেছেন। তিনি যে কোনও দলেরই হতে পারেন। সৌজন্য সাক্ষাৎ সবাই করতে পারে, এই নিয়ে কৌস্তভ জল ঘোলা করছে।"

অহীন বসু আরও বলেন, "কৌস্তভ বাগচি শুভেন্দু অধিকারী সম্পর্কেও কটু কথা বলেছিলেন। উনি কি ধোয়া তুলসী পাতা হয়ে গেছেন? কে ভালো কে খারাপ সেটা দল ঠিক করবে। উত্তম দাস বিজেপিতে যোগদান করবেন কি করবেন না, এটা নেতৃত্ব ঠিক করবে। তৃণমূল যতদিন থাকবে মাথায় চুল গজাতে দেবেন না - তাহলে তিনি বিজেপিতে এলেন কেন? কংগ্রেস থেকেই তো সেই দাবিটা করতে পারতেন। কৌস্তভ বাগচি সুযোগসন্ধানী। কংগ্রেস থেকে বিজেপিতে এসেছে।"

ব্যারাকপুরে বিজেপির এই প্রকাশ্য কোন্দলে অস্বস্তি বাড়ছে পদ্ম শিবিরের, এমনটাই মনে করছে রাজনৈতিক মহল।

ছবি:উৎপল দাস।