डॉ. बी.पी.एस. ग्रुप ऑफ कॉलेज, आगरा द्वारा जहानाबाद में एसोसिएट मीट का आयोजन, शिक्षा व रोजगार के अवसरों पर हुई चर्चा

जहानाबाद डॉ. बी.पी.एस. ग्रुप ऑफ कॉलेज, आगरा की ओर से जहानाबाद में एक एसोसिएट मीट का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम विशेष रूप से B.Ed., D.El.Ed., B.Sc. एग्रीकल्चर, BBA, BCA, LLB, D. फार्मेसी, नर्सिंग सहित अन्य व्यावसायिक पाठ्यक्रमों से जुड़े प्रोजेक्ट एवं नामांकन की जानकारी देने के उद्देश्य से आयोजित किया गया था। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं एवं शिक्षा से जुड़े लोग उपस्थित रहे।
इस एसोसिएट मीट का आयोजन अभिमन्यु कुमार (जोनल हेड) के नेतृत्व में किया गया, जबकि सौरव कुमार (रीजनल हेड, बिहार) विशेष रूप से मौजूद रहे। कार्यक्रम के दौरान कॉलेज प्रबंधन द्वारा छात्रों को उच्च शिक्षा के महत्व, करियर विकल्पों और रोजगार की संभावनाओं के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई। वक्ताओं ने अपने संबोधन में कहा कि बिहार में उच्च शिक्षा संस्थानों की संख्या सीमित होने के कारण कई योग्य छात्र अपनी पढ़ाई पूरी नहीं कर पाते हैं। ऐसे छात्रों के लिए डॉ. बी.पी.एस. ग्रुप ऑफ कॉलेज, आगरा एक बेहतर विकल्प प्रदान करता है, जहां गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ-साथ रहने एवं खाने की समुचित व्यवस्था भी उपलब्ध है। इससे छात्र बिना किसी बाधा के पूरी एकाग्रता के साथ अपनी पढ़ाई कर सकते हैं।
उन्होंने यह भी बताया कि बिहार में विभिन्न विभागों में लगातार भर्तियां निकलती रहती हैं, जिनमें विशेष रूप से B.Ed. डिग्री की मांग रहती है। हाल ही में हुई शिक्षक बहाली में भी B.Ed उत्तीर्ण छात्रों को रोजगार प्राप्त करने में अपेक्षाकृत सुविधा हुई है। इस दृष्टि से B.Ed जैसे पाठ्यक्रम रोजगार की दृष्टि से अत्यंत उपयोगी सिद्ध हो रहे हैं। कॉलेज प्रबंधन ने बताया कि संस्थान का मुख्य उद्देश्य ऐसे छात्रों को अवसर देना है, जो पढ़ाई करने की क्षमता रखते हैं, लेकिन बिहार में उपयुक्त कॉलेज न मिलने के कारण आगे नहीं बढ़ पाते। डॉ. बी.पी.एस. ग्रुप ऑफ कॉलेज में आधुनिक लाइब्रेरी, कंप्यूटर लैब एवं अन्य शैक्षणिक सुविधाएं उपलब्ध हैं। साथ ही अनुभवी और योग्य फैकल्टी द्वारा छात्रों को न केवल शिक्षा दी जाती है, बल्कि सही करियर मार्गदर्शन भी प्रदान किया जाता है।
कार्यक्रम के अंत में उपस्थित छात्रों ने कॉलेज की सुविधाओं और भविष्य की संभावनाओं को लेकर संतोष व्यक्त किया और इसे अपने करियर निर्माण के लिए उपयोगी बताया।
जहानाबाद में राष्ट्रीय ब्रह्मर्षि सामाजिक फाउंडेशन का सदस्यता अभियान, समाज को संगठित करने का आह्वान
जहानाबाद में राष्ट्रीय ब्रह्मर्षि सामाजिक फाउंडेशन की ओर से एक व्यापक सदस्यता अभियान का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य समाज में एकता स्थापित करना और संगठित होकर सामाजिक व राजनीतिक रूप से सशक्त बनने का संदेश देना रहा। इस अवसर पर वक्ताओं ने कहा कि वर्तमान समय में बिहार का चुनावी और राजनीतिक माहौल पूरी तरह जातीय समीकरणों पर आधारित हो गया है। जब अन्य समाज अपनी भागीदारी और पहचान को लेकर संगठित हो रहे हैं, तो ब्रह्मर्षि समाज को भी एकजुट होकर आगे आने की आवश्यकता है।
वक्ताओं ने कहा कि ब्रह्मर्षि समाज ऐतिहासिक रूप से हर क्षेत्र में अग्रणी भूमिका निभाता आया है। यदि समाज संख्या और प्रभाव दोनों दृष्टि से मजबूत है, तो एक सशक्त संगठन के माध्यम से अपनी भूमिका और भागीदारी को और मजबूत किया जा सकता है। बताया गया कि राष्ट्रीय ब्रह्मर्षि सामाजिक फाउंडेशन का गठन कुछ महीने पूर्व ही किया गया था और उसी क्रम में आज यह सदस्यता अभियान चलाया गया। यह अभियान केवल जहानाबाद तक सीमित नहीं है, बल्कि पूरे बिहार में चरणबद्ध तरीके से चलाया जा रहा है।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए अनूप कुमार (संयोजक) ने कहा कि अब ब्रह्मर्षि समाज हर क्षेत्र में बढ़-चढ़कर भागीदारी करेगा। उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों से लेकर गांव-गांव, शहर-शहर और गली-मोहल्लों तक समाज को जागरूक करने और जोड़ने का कार्य किया जाएगा। यह संगठन समाज के लिए एक नई दिशा और मार्गदर्शन का कार्य करेगा। उन्होंने बताया कि आगामी 11 तारीख को जहानाबाद के एक रेस्टोरेंट में एक भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा, जिसमें पूरे बिहार से समाज के लोग शामिल होंगे। इस अवसर पर सदस्यता अभियान के साथ-साथ मिलन समारोह का भी आयोजन किया जाएगा।
वहीं प्रवीण शर्मा (राष्ट्रीय अध्यक्ष) ने अपने संबोधन में कहा कि ब्रह्मर्षि समाज हमेशा से राजनीति में सक्रिय रहा है और विभिन्न राजनीतिक दलों के लिए ईमानदारी और समर्पण के साथ कार्य करता रहा है, जिससे उन दलों को लाभ भी मिला है। उन्होंने कहा कि अब समय आ गया है कि समाज अपनी भागीदारी को बराबरी के स्तर पर सुनिश्चित करे। उन्होंने यह भी कहा कि चुनावों में जाति के आधार पर वोटों के समीकरण खुलकर सामने आते हैं, इसलिए इस बार समाज को संगठित होकर एक नया राजनीतिक और सामाजिक मोड़ देने की आवश्यकता है।
इस अवसर पर लगभग 50 लोगों ने फाउंडेशन की सदस्यता ग्रहण की। कार्यक्रम में मुख्य रूप से
प्रवीण शर्मा (राष्ट्रीय अध्यक्ष),
अनूप कुमार (संयोजक),
संजीव शर्मा (राष्ट्रीय उपाध्यक्ष),
नवीन शर्मा (राष्ट्रीय उपाध्यक्ष),
धीरज शर्मा (युवा राष्ट्रीय अध्यक्ष),
रोशन शर्मा (युवा प्रदेश अध्यक्ष),
अंजनी कुमार (पटना जिला अध्यक्ष),
सुधीर शर्मा (जहानाबाद जिला अध्यक्ष),
रंजीत शर्मा (मीडिया प्रभारी),
राकेश कुमार (मीडिया प्रभारी)
सहित बालाजी, हर्ष कुमार, शिव शंकर शर्मा, जयशंकर जी, रोहित कुमार, नारायण कुमार, बालमुकुंद, हेमंत कुमार एवं बड़ी संख्या में समाज के लोग उपस्थित रहे।
कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्वलन के साथ की गई। इसके पश्चात सभी नए सदस्यों को सदस्यता पर्ची प्रदान कर औपचारिक रूप से संगठन से जोड़ा गया। पूरा कार्यक्रम सौहार्दपूर्ण, अनुशासित और उत्साहपूर्ण वातावरण में संपन्न हुआ।
जहानाबाद शीतलहर के कारण जहानाबाद में कक्षा 8 तक के स्कूल बंद, डीएम का आदेश जारी।
जहानाबाद जिले में लगातार बढ़ रही ठंड और शीतलहर के प्रकोप को देखते हुए जिला प्रशासन ने छात्रों की सुरक्षा के मद्देनज़र एक अहम निर्णय लिया है। जिला पदाधिकारी, जहानाबाद के आदेशानुसार भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता 2023 की धारा 163 के तहत जिले के सभी सरकारी एवं निजी विद्यालयों, प्री-स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्रों सहित, कक्षा नर्सरी से कक्षा 8 तक की सभी शैक्षणिक गतिविधियों पर 31 दिसंबर 2025 तक प्रतिबंध लगा दिया गया है।
जारी आदेश के अनुसार यह प्रतिबंध 29 दिसंबर 2025 से प्रभावी माना जाएगा। जिला प्रशासन का कहना है कि यह निर्णय विशेष रूप से छोटे बच्चों को शीतलहर और अत्यधिक ठंड के दुष्प्रभाव से सुरक्षित रखने के उद्देश्य से लिया गया है। हालांकि आदेश में यह भी स्पष्ट किया गया है कि कक्षा 9 एवं उससे ऊपर की कक्षाओं की शैक्षणिक गतिविधियां पूर्वाह्न 10:00 बजे से अपराह्न 2:00 बजे तक जारी रहेंगी। इस दौरान विद्यालय प्रबंधन को छात्रों की सेहत को ध्यान में रखते हुए सभी आवश्यक सावधानियां बरतने के निर्देश दिए गए हैं। जिला प्रशासन ने अभिभावकों से अपील की है कि वे बच्चों को ठंड से बचाने के लिए पर्याप्त गर्म कपड़े पहनाएं तथा प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पूर्णतः पालन सुनिश्चित करें। प्रशासनिक अधिकारियों ने बताया कि मौसम की स्थिति पर लगातार निगरानी रखी जा रही है और आवश्यकता पड़ने पर
जहानाबाद के इतिहास में पहली बार—650 बेड वाला कुर्मा संस्कृति मेडिकल हॉस्पिटल 15 जनवरी से शुरू
जहानाबाद जिले के स्वास्थ्य क्षेत्र में एक नई और ऐतिहासिक शुरुआत होने जा रही है। कुर्मा संस्कृति मेडिकल कॉलेज एंड मेडिकल हॉस्पिटल के संचालन को लेकर आज एक संयुक्त बैठक का आयोजन किया गया, जिसमें जहानाबाद एवं अरवल जिले के मेडिकल प्रैक्टिशनर, आशा कार्यकर्ता, आंगनबाड़ी सेविका, जीविका दीदी, मेडिकल स्टाफ समेत स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े विभिन्न वर्गों के लोग बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
बैठक के दौरान कुर्मा संस्कृति स्कूल के अध्यक्ष ने जानकारी दी कि जहानाबाद में निर्मित अत्याधुनिक मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल का निर्माण कार्य पूर्ण हो चुका है और आगामी 15 जनवरी 2026 से इसे औपचारिक रूप से शुरू कर दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि यह अस्पताल निजी क्षेत्र में होने के बावजूद आम लोगों को सरकारी अस्पतालों से भी कम खर्च में उच्च गुणवत्ता वाली चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध कराएगा। उन्होंने बताया कि कुर्मा संस्कृति हॉस्पिटल में कुल 650 बेड की सुविधा होगी, जो अब तक जहानाबाद जिले में किसी भी अस्पताल में उपलब्ध नहीं है। इसके साथ ही यहां 250 से अधिक विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम 24×7 मरीजों की सेवा में तैनात रहेगी, जिससे गंभीर से गंभीर बीमारियों का इलाज अब जिले में ही संभव हो सकेगा।
अस्पताल की एक बड़ी विशेषता यह होगी कि जहानाबाद जिले के किसी भी गांव या क्षेत्र से आने वाले मरीजों के लिए निःशुल्क एंबुलेंस सेवा उपलब्ध कराई जाएगी। वहीं सीटी स्कैन, अल्ट्रासाउंड, एक्स-रे, एमआरआई सहित सभी प्रकार की जांचें बाजार दर से कम से कम 50 प्रतिशत कम शुल्क पर की जाएंगी। इसके अलावा अस्पताल में 24 घंटे इमरजेंसी सेवा भी उपलब्ध रहेगी।
सबसे अहम पहलू यह है कि जहानाबाद जिले में अब तक ट्रॉमा सेंटर की सुविधा नहीं थी, जिसके कारण सड़क दुर्घटनाओं या गंभीर मामलों में मरीजों को पटना रेफर करना पड़ता था। कुर्मा संस्कृति हॉस्पिटल में अत्याधुनिक ट्रॉमा सेंटर की व्यवस्था होगी, जहां विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम दुर्घटनाग्रस्त मरीजों का त्वरित और समुचित इलाज करेगी। इससे जिले के मरीजों को अब बाहर जाने की मजबूरी नहीं रहेगी।
अस्पताल परिसर में ब्लड बैंक, डायलिसिस यूनिट, वेंटिलेटर सुविधा, दवा एवं मेडिकल स्टोर जैसी सभी आवश्यक सेवाएं एक ही छत के नीचे उपलब्ध होंगी। अस्पताल की एक और बड़ी खासियत यह है कि यहां ओपीडी पूरी तरह निःशुल्क होगी। मरीजों को डॉक्टर से परामर्श के लिए किसी प्रकार का शुल्क नहीं देना होगा। कुर्मा संस्कृति हॉस्पिटल में विभिन्न रोगों के लिए अलग-अलग विशेषज्ञ विभाग बनाए गए हैं। इनमें सामान्य रोग, हृदय रोग, हड्डी एवं नस रोग, स्त्री एवं प्रसूति रोग, टीबी, शिशु रोग, नेफ्रोलॉजी, आंख, नाक-कान-गला, चर्म रोग, दंत रोग, मस्तिष्क रोग सहित कई विभाग शामिल हैं। इसके साथ ही सामान्य सर्जरी के अलावा लेप्रोस्कोपिक सर्जरी और प्लास्टिक सर्जरी की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाएगी।
मीडिया से बातचीत में कुर्मा संस्कृति के डायरेक्टर ने कहा कि इस अस्पताल का मुख्य उद्देश्य मरीजों को ईमानदारी, पारदर्शिता और सस्ती दर पर बेहतर इलाज उपलब्ध कराना है। उन्होंने निजी अस्पतालों में गरीब और लाचार मरीजों के शोषण पर चिंता जताते हुए कहा कि कुर्मा संस्कृति हॉस्पिटल में किसी भी प्रकार की ठगी या अनावश्यक इलाज नहीं किया जाएगा। यहां न तो छोटी बीमारी को बड़ी बताकर डराया जाएगा और न ही जबरन भर्ती करने जैसी प्रवृत्ति को बढ़ावा दिया जाएगा।
उन्होंने स्पष्ट कहा कि हमारा लक्ष्य मुनाफाखोरी नहीं, बल्कि मरीजों का सही और सुलभ इलाज है। कुर्मा संस्कृति मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल जहानाबाद सहित आसपास के जिलों के लोगों के लिए स्वास्थ्य सेवाओं के क्षेत्र में एक भरोसेमंद, सशक्त और ऐतिहासिक विकल्प बनकर उभरने जा रहा है।
जहानाबाद राजा बाजार में केसरवानी वैश्य सभा का भव्य आयोजन, संगठन को मजबूत करने पर जोर
जहानाबाद जिले के राजा बाजार क्षेत्र में केसरवानी वैश्य सभा की ओर से एक भव्य सामाजिक बैठक का आयोजन किया गया। कड़ाके की ठंड के बावजूद समाज के सैकड़ों लोग कार्यक्रम में शामिल हुए। पूरे आयोजन के दौरान उत्साह, एकजुटता और संगठनात्मक चेतना स्पष्ट रूप से देखने को मिली।
बैठक का मुख्य उद्देश्य जिले में केसरवानी समाज के संगठनात्मक ढांचे को सुदृढ़ करना और उसके विस्तार को लेकर सामूहिक विचार–विमर्श करना रहा। वक्ताओं ने कहा कि वर्तमान समय में समाज को सामाजिक, शैक्षणिक और आर्थिक क्षेत्रों में अपनी भूमिका को और अधिक मजबूत करने की आवश्यकता है। इसके लिए जिले के सभी प्रखंडों में संगठन की इकाइयों के गठन और एक सशक्त, सक्रिय मंच तैयार करने पर विशेष जोर दिया गया। सभा को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि संगठित समाज ही अपनी समस्याओं और मांगों को प्रभावी ढंग से प्रशासन और समाज के सामने रख सकता है। संगठन को केवल औपचारिक न रखकर कार्यशील बनाने की आवश्यकता है, जिसमें युवा, महिलाएं, बुजुर्ग और विद्यार्थी सभी की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित हो।
बैठक के दौरान शिक्षा, रोजगार, सामाजिक सुरक्षा, एकता और सांस्कृतिक पहचान जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर भी विस्तार से चर्चा हुई। युवाओं ने संगठन को डिजिटल प्लेटफॉर्म से जोड़ने, सदस्यता अभियान चलाने और समाज की प्रतिभाओं को आगे लाने की मांग रखी।
कार्यक्रम में जहानाबाद नगर अध्यक्ष राजेश केशरी ने समाज को एकजुट रहने और संगठित प्रयासों के माध्यम से आगे बढ़ने की अपील की। वहीं मनीष केशरी, प्रमोद केशरी, सत्येंद्र कुमार केशरी और इंदर केशरी सहित अन्य समाजसेवियों ने संगठन की रूपरेखा और भावी कार्ययोजना पर अपने विचार साझा किए। कार्यक्रम में महिलाओं और युवाओं की भागीदारी भी उल्लेखनीय रही। सभा के अंत में उपस्थित लोगों ने संकल्प लिया कि केसरवानी वैश्य सभा के माध्यम से समाज के अधिकार, सम्मान और हितों की रक्षा के लिए निरंतर प्रयास किए जाएंगे। आयोजन का समापन आपसी सहयोग, संगठन विस्तार और समाज के समग्र विकास के संकल्प के साथ हुआ, जिसे जिले में सामाजिक एकता की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखा जा रहा है।
जहानाबाद महर्षि विद्या पीठ में तुलसी पूजन दिवस श्रद्धा के साथ मनाया गया
जहानाबाद स्थानीय उत्तरी गांधी मैदान स्थित महर्षि विद्या पीठ में 25 दिसंबर से एक दिन पूर्व तुलसी पूजन दिवस श्रद्धा और उल्लास के साथ मनाया गया। इस अवसर पर विद्यालय के बच्चों ने तुलसी माता की विधिवत पूजा-अर्चना की और तुलसी पूजन के धार्मिक, सांस्कृतिक एवं औषधीय महत्व की जानकारी प्राप्त की।
कार्यक्रम के दौरान विद्यालय के निदेशक साकेत रौशन ने कहा कि सनातन धर्म में तुलसी माता का विशेष स्थान है। तुलसी को विष्णु प्रिया कहा गया है तथा यह औषधीय गुणों से भरपूर है। तुलसी के दर्शन, स्पर्श और पूजन से सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है और घर में सुख-शांति बनी रहती है। वहीं विद्यालय की प्राचार्या सोनाली शर्मा ने बताया कि आयुर्वेद में तुलसी को अनेक रोगों की औषधि माना गया है। नियमित तुलसी पूजन से स्वास्थ्य के साथ-साथ आध्यात्मिक लाभ भी प्राप्त होता है। कार्यक्रम के दौरान बच्चों ने तुलसी माता की परिक्रमा की और पूजन की विधि को समझा। इस अवसर पर निदेशक साकेत रौशन, प्राचार्या सोनाली शर्मा, शिक्षिकाएं श्रुति केशरी, ब्यूटी कुमारी, प्रिया कुमारी, सिमरन कुमारी, ब्यूटी गुप्ता, शिक्षक हिमांशु राज, आदित्य कुमार सहित विद्यालय के सभी छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
घोसी के गोरसर में निःशुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर आयोजित, 300 से अधिक ग्रामीणों को मिली चिकित्सा सुविधा
जहानाबाद घोसी प्रखंड अंतर्गत गोरसर स्थित डॉ. महेंद्र प्रसाद स्मृति सामुदायिक भवन में निःशुल्क स्वास्थ्य जांच शिविर का सफल आयोजन किया गया। यह शिविर एरिस्टो फार्मा के सीएसआर विभाग — एरिश्मा चेरिटेबल ट्रस्ट, मुंबई के तत्वावधान में आयोजित किया गया, जिसमें आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोगों ने भाग लिया।
इस निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर का आयोजन एरिस्टो फार्मा के माननीय मैनेजिंग डायरेक्टर उमेश शर्मा उर्फ भोला बाबू के मार्गदर्शन एवं दिशा-निर्देशन में संपन्न हुआ। शिविर के दौरान जनरल फिजिशियन, शिशु रोग विशेषज्ञ तथा नेत्र रोग विशेषज्ञ की टीम द्वारा करीब 300 से अधिक ग्रामीणों की स्वास्थ्य जांच की गई। जांच के उपरांत जरूरतमंद मरीजों को निःशुल्क दवाएं भी उपलब्ध कराई गईं। शिविर में सामान्य स्वास्थ्य परीक्षण के साथ-साथ निःशुल्क रक्त जांच एवं अन्य आवश्यक चिकित्सकीय जांचों की भी समुचित व्यवस्था की गई थी। इससे ग्रामीणों को एक ही स्थान पर संपूर्ण चिकित्सा सुविधा प्राप्त हुई, जिससे उन्हें जिला या शहर के अस्पतालों तक जाने की परेशानी से राहत मिली।
पूरे कार्यक्रम का संचालन एवं निगरानी राहुल कुमार (वरिष्ठ प्रबंधक, सीएसआर) द्वारा की गई। शिविर को सफल बनाने में एरिस्टो फार्मा के सीएसआर विभाग से अनुराग गुंजन एवं कुंदन कुमार, जीएसएसजी संस्था से विकास कुमार एवं राजीव कुमार, तथा क्षेत्रीय प्रतिनिधि अरविंद कुमार एवं अनिल जी की सक्रिय भूमिका रही।
आयोजनकर्ताओं ने बताया कि इस स्वास्थ्य शिविर का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण एवं पिछड़े क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को अपने स्वास्थ्य के प्रति जागरूक करना, समय रहते बीमारी की पहचान करना तथा निःशुल्क जांच एवं उपचार की सुविधा उपलब्ध कराना है। उन्होंने आगे भी इस प्रकार के स्वास्थ्य शिविर आयोजित करने की प्रतिबद्धता जताई। स्वास्थ्य शिविर को लेकर स्थानीय ग्रामीणों में काफी उत्साह देखा गया। ग्रामीणों ने एरिस्टो फार्मा एवं एरिश्मा चेरिटेबल ट्रस्ट की इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे आयोजनों से गरीब एवं जरूरतमंद लोगों को बड़ी राहत मिलती है और स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता भी बढ़ती है।
जहानाबाद सदर अस्पताल में घायल युवक भर्ती, फायरिंग की आशंका, जांच जारी
जहानाबाद सदर अस्पताल में पुलिस एक घायल युवक को लेकर पहुंची। युवक के चेहरे पर जख्म के निशान थे और खून बह रहा था। पुलिस के अनुसार पटना मुख्यालय से 112 नंबर पर सूचना मिली थी कि टेहटा थाना क्षेत्र के हबलीपुर गांव के पास किसी घटना में एक युवक घायल हो गया है। सूचना मिलते ही 112 की पुलिस टीम मौके पर पहुंची, जहां ग्रामीणों द्वारा एक युवक को पकड़े जाने की बात सामने आई। घायल अवस्था में युवक को तुरंत पुलिस टीम द्वारा इलाज के लिए जहानाबाद सदर अस्पताल लाया गया। घायल युवक की पहचान मणि कुमार के रूप में हुई है। अस्पताल पहुंचे परिजनों का आरोप है कि पुरानी रंजिश के कारण फायरिंग की गई, जिसमें छर्रे युवक के चेहरे पर लगे हैं। हालांकि गोली लगने की पुष्टि न तो पुलिस और न ही अस्पताल प्रशासन की ओर से की गई है। इस मामले में सदर अस्पताल के डॉक्टर अरविंद कुमार नंदा ने बताया कि युवक को गोली नहीं लगी है। यदि फायरिंग हुई भी है तो बारूद के छींटों से चेहरे पर हल्की चोटें आई हैं। उन्होंने बताया कि मरीज पूरी तरह खतरे से बाहर है, उसकी ड्रेसिंग कर दी गई है और हालत सामान्य है। युवक को कोई गंभीर चोट नहीं आई है और वह घर जाने की स्थिति में है। वहीं 112 टीम के पुलिसकर्मी प्रेमचंद ने बताया कि सूचना मिलते ही पुलिस टीम घटनास्थल पर पहुंची और घायल युवक को अस्पताल पहुंचाया गया। फिलहाल पूरा मामला जांच का विषय है। पुलिस टीम दोबारा घटनास्थल पर जाकर जांच करेगी और यदि वहां से छर्रा या अन्य साक्ष्य बरामद होते हैं तो उसकी पुष्टि की जाएगी। मामले को लेकर आगे की जानकारी वरीय अधिकारियों द्वारा दी जाएगी। पुलिस के अनुसार संबंधित थाना की टीम भी मौके पर पहुंच चुकी है और जांच की प्रक्रिया जारी है। फायरिंग हुई या नहीं, इसकी स्पष्ट पुष्टि जांच पूरी होने के बाद ही हो सकेगी।
जहानाबाद में रेलवे ट्रैक पर मिले शव की हुई पहचान, ककड़िया निवासी राजेंद्र पासवान की ट्रेन से कटकर मौत

जहानाबाद जिले के कल्पा थाना क्षेत्र अंतर्गत ककड़िया गांव निवासी राजेंद्र पासवान की ट्रेन से कटकर मौत हो गई। शुक्रवार को पोस्टमार्टम के बाद उनका शव परिजनों को सौंप दिया गया।

प्राप्त जानकारी के अनुसार राजेंद्र पासवान गुरुवार की शाम अपने घर से टहलने के लिए निकले थे। इसी दौरान वे दर्दा नदी पुल के समीप स्थित रेलवे ट्रैक पर पहुंच गए, जहां शाम के समय गुजरने वाली किसी ट्रेन की चपेट में आने से उनकी मौके पर ही मौत हो गई।

घटना की सूचना मिलने पर जीआरपी (रेलवे पुलिस) ने शव को कब्जे में लिया और टाउन थाना पुलिस के सहयोग से उसे सदर अस्पताल स्थित पोस्टमार्टम हाउस में सुरक्षित रखवाया।

जब देर रात तक राजेंद्र पासवान घर नहीं लौटे तो परिजन उनकी तलाश में विभिन्न थानों में पहुंचे। इसी क्रम में उन्हें जीआरपी से जानकारी मिली कि रेलवे ट्रैक पर एक अज्ञात व्यक्ति का शव बरामद हुआ है। इसके बाद परिजन पोस्टमार्टम हाउस पहुंचे, जहां उन्होंने शव की पहचान राजेंद्र पासवान के रूप में की।

परिजनों ने बताया कि राजेंद्र पासवान की मानसिक स्थिति ठीक नहीं थी। शुक्रवार की शाम शव का पोस्टमार्टम कराए जाने के बाद पुलिस ने शव परिजनों को सौंप दिया। घटना के बाद गांव में शोक का माहौल व्याप्त है।

जहानाबाद प्रयत्न नारी शक्ति महिला विकास स्वावलंबी सहकारी समिति ने मनाया 13वां स्थापना दिवस
जहानाबाद प्रयत्न नारी शक्ति महिला विकास स्वावलंबी सहकारी समिति लिमिटेड, सदर जहानाबाद द्वारा तेरहवाँ स्थापना दिवस भव्य रूप से मनाया गया। कार्यक्रम का आयोजन उत्साहपूर्ण एवं गरिमामय वातावरण में किया गया।

इस अवसर पर कार्यक्रम के मुख्य अतिथि बिहार सरकार के सहकारिता मंत्री डॉ. प्रमोद कुमार चंद्रवंशी उपस्थित रहे, जबकि उद्घाटनकर्ता के रूप में घोषी विधानसभा के माननीय विधायक श्री ऋतुराज कुमार ने दीप प्रज्ज्वलन कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। दीप प्रज्ज्वलन मुख्य अतिथि, विधायक एवं अन्य अतिथियों द्वारा संयुक्त रूप से किया गया।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए सहकारिता मंत्री डॉ. प्रमोद कुमार चंद्रवंशी ने कहा कि प्रयत्न नारी शक्ति समिति महिला सशक्तिकरण की दिशा में सराहनीय कार्य कर रही है। महिलाओं में बचत की आदत विकसित कर उन्हें आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाना समाज के लिए प्रेरणादायक पहल है। उन्होंने कहा कि इस प्रकार की समितियाँ ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में महिलाओं के सामाजिक-आर्थिक उत्थान में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।

वहीं विधायक श्री ऋतुराज कुमार ने अपने संबोधन में कहा कि वर्ष 2005 में उत्तराखंड दौरे के दौरान वहाँ की महिला स्वावलंबी समितियों को देखकर उन्होंने यह सोचा था कि बिहार में भी इस तरह के महिला समूह बनने चाहिए। उन्होंने कहा कि यह जानकर गर्व होता है कि जहानाबाद में प्रयत्न नारी शक्ति समिति वर्ष 2005 से ही सक्रिय है और निरंतर महिलाओं को संगठित कर सशक्त बना रही है। यह समिति बिहार के लिए एक आदर्श मॉडल के रूप में उभर कर सामने आई है।

कार्यक्रम में महिला विकास निगम, समाज कल्याण विभाग, नाबार्ड एवं सर्व सेवा समिति संस्था से जुड़े पदाधिकारी, स्वयं सहायता समूहों की महिलाएँ तथा बड़ी संख्या में स्थानीय गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

कार्यक्रम के अंत में समिति के सदस्यों ने भविष्य में और अधिक मजबूती के साथ महिला सशक्तिकरण के लिए कार्य करने का संकल्प लिया।