पाकिस्तान घर जैसा महूसस होता है... राहुल गांधी के करीबीसैम पित्रोदा का बयान, भाजपा भड़की

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कांग्रेस नेता सैम पित्रोदा ने फिर विवादास्पद बयान दिया है है। शुक्रवार को एक न्यूज एजेंसी को दिए एक इंटरव्यू में पित्रोदा ने कहा, मैं पाकिस्तान गया। मुझे वहां घर जैसा महसूस हुआ। उन्होंने नेपाल से लेकर बांग्लादेश तक की तारीफ की है। साथ ही पित्रोदा ने केंद्र सरकार से पड़ोसी देशों के साथ बातचीत को प्राथमिकता देने का आग्रह किया है। उन्होंने कहा कि भारत की विदेश नीति की शुरुआत पाकिस्तान सहित पड़ोसी देशों के साथ संबंधों को मजबूत करने से होनी चाहिए।

सैम पित्रोदा ने आईएएनएस से बात करते हुए कहा, मेरे मुताबिक, हमारी विदेश नीति पर काम होना चाहिए, हमें सबसे पहले अपने पड़ोस पर ध्यान केंद्रित करना चाहिए। क्या हम सचमुच अपने पड़ोसियों के साथ संबंधों में सुधार ला सकते हैं? मैं पाकिस्तान गया हूं और आपको बता दूं कि मुझे वहां घर जैसा महसूस हुआ। मैं बांग्लादेश गया हूं, मैं नेपाल भी गया हूं, और मुझे वहां भी घर जैसा महसूस हुआ। मुझे ऐसा नहीं लगता कि मैं किसी विदेशी धरती पर हूं।

बीजेपी ने लगाया राष्ट्रीय हितों को कमजोर करने का आरोप

पित्रोदा के इस बयान पर भाजपा ने कांग्रेस नेतृत्व पर भारत के राष्ट्रीय हितों को कमजोर करने का आरोप लगाया। भाजपा प्रवक्ता प्रदीप भंडारी ने कहा, राहुल गांधी के चहेते और कांग्रेस के विदेश प्रमुख सैम पित्रोदा कहते हैं कि उन्हें पाकिस्तान में 'घर जैसा महसूस' हुआ। कोई आश्चर्य नहीं कि यूपीए ने 26/11 के बाद भी पाकिस्तान के खिलाफ कोई सख्त कार्रवाई नहीं की। पाकिस्तान का चहेता, कांग्रेस का चुना हुआ।

पहले भी विवादित बयान दे चुके हैं पित्रोदा

ये पहली बार नहीं है, जब सैम पित्रोदा ने विवाद बढ़ाने वाला बयान दिया है। 2019 से लेकर अब तक 6 विवादित बयान दे चुके हैं। एक बार तो उन पर कांग्रेस ने कार्रवाई भी की थी, लेकिन पित्रोदा विवादित बयान देना नहीं छोड़ते हैं। 2019 के फरवरी में पित्रोदा ने बालाकोट एयरस्ट्राइक पर सवाल उठाया था। इसी साल अप्रैल महीने में पित्रोदा ने सिख दंगे को लेकर विवादित टिप्पणी की थी। पित्रोदा ने कहा था कि दंगा हुआ तो हुआ। मई 2024 में पित्रोदा ने नस्लभेदी टिप्पणी की थी, जिसके बाद उन्हें पार्टी ने इस्तीफा देने के लिए कहा था। हालांकि, बाद में फिर से उन्हें पद पर बहाल कर दिया गया। पित्रोदा को कांग्रेस में गांधी परिवार का करीबी माना जाता है।

चुनाव का चौकीदार जागता रहा, चोरी देखता रहा, वोट चोरी को अब राहुल गांधी ने किसे घेरा?

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कांग्रेस सांसद और लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी वोट चोरी के आरोपों को धार देने में जुटे हुए हैं। गुरूवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि प्रोसेस को हाईजैक कर वोटरों के नाम डिलीट किए गए। उन्होंने कहा कि 14 मिनट में 12 वोट डिलीट किए गए। इस गंभीर आरोप के एक दिन बाद शुक्रवार को कांग्रेस सांसद ने एक बार फिर निशाना साधा है। राहुल गांधी ने किसी का नाम लिए बिना कहा कि चुनाव का चौकीदार जागता रहा, चोरी देखता रहा।

राहुल गांधी ने दावा किया है कि सुबह चार बजे भी नाम हटाने के लिए ऑनलाइन आवेदन किए गए। कांग्रेस सांसद राहुल गांधी ने आज सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक वीडियो शेयर कर सरकार और चुनाव आयोग को फिर से कटघरे में खड़ा किया है। कांग्रेस नेता ने शुक्रवार को 'एक्स' पर पोस्ट किया, 'सुबह चार बजे उठो, 36 सेकंड में दो वोटर मिटाओ, फिर सो जाओ। ऐसे भी हुई वोट चोरी।' उन्होंने आरोप लगाया कि चुनाव का चौकीदार जागता रहा, चोरी देखता रहा और चोरों को बचाता रहा।

कांग्रेस के वोटों का नाम डिलीट करने का आरोप

इससे पहले उन्होंने गुरुवार को 31 मिनट के प्रजेंटेशन में वोट चोरी के आरोप लगाए और सबूत दिखाने का दावा किया। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग जानबूझकर कांग्रेस के वोटों को निशाना बना रहा है और उनके नाम डिलीट कर रहा है। राहुल गांधी गुरुवार को अपने साथ कर्नाटक के ऐसे वोटर्स भी लेकर आए, जिनके नाम वोटर्स लिस्ट से डिलीट किए गए। कांग्रेस नेता ने आरोप लगाया कि भारत के मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार उन लोगों की रक्षा कर रहे हैं, जिन्होंने भारतीय लोकतंत्र को बर्बाद कर दिया है। उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र, हरियाणा और यूपी में यही हो रहा है।

ईसी ने आरोपों को गलत और निराधार बताया

वहीं, चुनाव आयोग ने राहुल गांधी के आरोपों को गलत और निराधार बताया है। आयोग ने कहा कि कोई भी आम नागरिक ऑनलाइन किसी का भी वोट डिलीट नहीं कर सकता। किसी का वोट डिलीट करने से पहले संबंधित व्यक्ति को अपनी बात रखने का मौका दिया जाता है।

अमेरिका में भारतीय इंजीनियर की हत्या, मौत से पहले नस्लीय उत्पीड़न का लगाया था गंभीर आरोप

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अमेरिका के कैलिफोर्निया में एक भारतीय इंजीनियर की गोली मारकर हत्या की खबर है। अमेरिका में मास्टर्स की पढ़ाई करने गए और सॉफ्टरवेयर इंजीनियर के रूप में काम करने वाले तेलंगाना के 30 वर्षीय स्टूडेंट मोहम्मद निजामुद्दीन की हत्या की वारदात 3 सितंबर की है। भारतीय छात्र को पुलिस द्वारा गोली मारी गई है। आरोप है कि इस महीने की शुरुआत में उसने अपने साथ रहने वाले युवक को कथित रूप से चाकू मारा था। हालांकि, पीड़ित परिवार ने अपने बेटे के साथ नस्ली भेदभाव होने का आरोप लगाया है।

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मृतक के पिता मोहम्मद हसनुद्दीन का कहना है कि बेटे की मौत की सूचना उन्हें गुरुवार को मिली। जानकारी के अनुसार, 3 सितंबर को उसके और उसके रूममेट के बीच AC को लेकर एक छोटा सा विवाद हुआ, विवाद इतना बढ़ गया कि पुलिस की गोलीबारी से उसकी मौत हो गई।

परिवार ने सरकार से मदद मांगी

मोहम्मद हसनुद्दीन ने बताया कि उन्होंने विदेश मंत्री एस जयशंकर से अपने बेटे के पार्थिव शरीर को महबूबनगर वापस लाने में मदद करने का अनुरोध किया है। उन्होंने विदेश मंत्री से अनुरोध किया कि वह वाशिंगटन स्थित भारतीय दूतावास और सैन फ्रांसिस्को स्थित भारतीय महावाणिज्य दूतावास से उनके बेटे के पार्थिव शरीर को महबूबनगर लाने में मदद करने का अनुरोध करें। हसनुद्दीन ने जयशंकर को लिखे पत्र में कहा, आज सुबह मुझे पता चला कि उसे (निजामुद्दीन को) सांता क्लारा पुलिस ने गोली मार दी और उसका पार्थिव शरीर कैलिफोर्निया के सांता क्लारा के किसी अस्पताल में है। मुझे नहीं पता कि पुलिस ने उसे क्यों गोली मारी।

पुलिस ने क्या कहा?

सांता क्लारा पुलिस के बयानों के अनुसार जब घर के अंदर से चाकूबाजी के बारे में 911 पर कॉल आया तब पुलिस अधिकारी वहां पहुंचे थे। पुलिस का कहना है कि अधिकारियों ने चाकू से लैस एक संदिग्ध का सामना किया, जब संदिग्ध ने पुलिस की दिए आदेशों का पालन नहीं किया तो गोली चलाई गई। पुलिस विभाग ने एक बयान में कहा कि संदिग्ध ने अपने रूममेट को नीचे गिरा दिया था और रूममेट को चाकू से कई चोटें आई थीं।

नस्लीय उत्पीड़न का लगाया था गंभीर आरोप

मौत से पहले मोहम्मद निजामुद्दीन ने खुद को नस्लीय नफरत का शिकार बताया था। उसने कहा था कि उसे नौकरी से गलत तरीके से निकाल दिया गया और जांच करने वाले अधिकारी ने भी उसे प्रताड़ित किया। मोहम्मद निजामुद्दीन ने लिंक्डइन पर अपना दर्द बयां किया था और लोगों से अपने लिए न्याय की मांग की थी। निजामुद्दीन ने अपने पोस्ट में लिखा था कि वह नस्लीय नफरत, भेदभाव, नस्लीय प्रताड़ना, शोषण, वेतन धोखाधड़ी, गलत तरीके से नौकरी से निकाले जाने का शिकार हुआ है। उसने लिखा, 'मैंने अपनी सभी मुश्किलों के खिलाफ आवाज उठाने का फैसला किया है। अब बहुत हो गया। श्वेत वर्चस्व और नस्लवादी अमेरिकी सोच को खत्म होना चाहिए। कॉर्पोरेट तानाशाही का अंत होना चाहिए और इसमें शामिल सभी लोगों को कड़ी सजा मिलनी चाहिए।'

Gen Z करेंगे संविधान को बचाएंगे...राहुल गांधी की छात्रों-युवाओं से बड़ी अपील, मच गया सियासी बवाल

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लोकसभा में विपक्ष के नेता और कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने गुरुवार को 'वोट चोरी' के मुद्दे को लेकर प्रेस कॉन्फ्रेंस की जिसको लेकर पूरे दिन सियासी भूचाल मचा रहा। इसके बाद शाम होते-होते राहुल गांधी ने 'एक्स' पर एक ऐसा पोस्ट कर दिया जिसको लेकर सियासी बवाल मच गया है। लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने गुरुवार को Gen-Z को संबोधित करते हुए एक पोस्ट किया। इस पोस्ट में उन्होंने कहा कि देश के Gen-Z संविधान की रक्षा करेंगे। इस पर भाजपा भड़क गई है।

Gen Z से राहुल की खास अपील

राहुल गांधी ने गुरूवार को सुबह प्रेस कॉन्फ्रेंस करने के बाद शाम को अपने एक्स हैंडल पर पोस्ट करते हुए लिखा कि देश के युवा, छात्र, Gen Z संविधान को बचाएंगे, लोकतंत्र की रक्षा करेंगे और वोट चोरी को रोकेंगे। मैं उनके साथ हमेशा खड़ा हूं। जय हिंद!'' उन्होंने इसके साथ एक फोटो भी शेयर किया, जिसमें वोट चोरी का जिक्र है।

निशिकांत दुबे का तीखा हमला

राहुल गांधी के इस पोस्ट पर बीजेपी सांसद निशिकांत दुबे ने तीखा हमला बोला है। भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने तीन प्वाइंट में जवाब दिया। निशिकांत दुबे ने कहा कि Gen-Z परिवारवाद के खिलाफ है। वह नेहरू, इंदिरा, राजीव, सोनिया के बाद राहुल को क्यों बर्दाश्त करेगा? Gen-Z भ्रष्टाचार के खिलाफ है, आपको क्यों नहीं भगाएगा?’ साथ उन्होंने राहुल पर तंज कसते हुए कहा कि आप देश छोड़ने की तैयारी करो, Gen-Z आ रहा है।

चुनाव आयोग पर लगाया गंभीर आरोप

इससे पहले गुरुवार को अपनी प्रेस कॉन्फ्रेंस में, राहुल गांधी ने कर्नाटक के अलंद विधानसभा क्षेत्र का उदाहरण देते हुए आरोप लगाया कि उनकी पार्टी के गढ़ रहे क्षेत्रों में 6,000 से ज्यादा मतदाताओं के नाम सूची से हटा दिए गए। उन्होंने कहा कि ये नाम ज्यादातर अल्पसंख्यक और वंचित समूहों के लोगों के थे, जो कांग्रेस के समर्थक माने जाते थे। 2023 के कर्नाटक विधानसभा चुनाव में अलंद सीट से कांग्रेस उम्मीदवार बीआर पाटिल ने जीत हासिल की और पार्टी वर्तमान में राज्य में सत्ता में है।

इलेक्शन कमीशन की वोट चोरी मामले पर राहुल गांधी को दो टूक, कहा- वोट ऑनलाइन डिलीट नहीं हो सकता

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कांग्रेस नेता राहुल गांधी की तरफ आज चुनाव आयोग पर वोट डिलीट करने के गंभीर आरोप लगाए गए हैं। इन आरोपों पर अब चुनाव आयोग की तरफ से बयान सामने आया है। चुनाव आयोग ने आरोपों को बेबुनियाद बताते हुए सिरे से खारिज कर दिया है। चुनाव आयोग ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए राहुल के सभी आरोपों को गलत ठहराया है। हालांकि, चुनाव आयोग ने स्वीकार किया कि कर्नाटक के अलंद विधानसभा क्षेत्र में मतदाताओं के नाम हटाने के कुछ असफल प्रयास किए गए थे और मामले की जांच के लिए चुनाव आयोग ने खुद एक प्राथमिकी दर्ज कराई थी।

चुनाव आयोग के अनुसार, कोई भी आम नागरिक ऑनलाइन तरीके से किसी का भी नाम वोटर लिस्ट से नहीं हटा सकता। आयोग ने यह भी कहा कि किसी का नाम हटाने से पहले उसे अपनी बात रखने का मौका दिया जाता है। हालांकि, चुनाव आयोग ने ये माना कि 2023 में आलंद विधानसभा क्षेत्र में कुछ लोगों ने वोटर लिस्ट से नाम हटाने की कोशिश की थी। इस मामले में खुद आयोग ने एफआईआर दर्ज कराई थी।

प्रोसेस को हाईजैक कर वोटरों का नाम डिलीट करने का आरोप

इससे पहले राहुल गांधी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कहा कि मैं मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ 100 फीसदी सबूत रखने जा रहा हूं। उन्होंने कहा कि सोच-समझकर कांग्रेस के वोट काटे गए। प्रोसेस को हाईजैक कर वोटरों के नाम डिलीट किए गए। उन्होंने कहा कि 14 मिनट में 12 वोट डिलीट किए गए। उन्होंने कहा कि कांग्रेस के वोटरों को निशाना बनाया जा रहा है।

चुनाव आयोग पर राहुल के आरोप

कांग्रेस सांसद ने कहा, कर्नाटक में अलंद एक निर्वाचन क्षेत्र है। किसी ने 6018 वोटों को हटाने की कोशिश की। हमें नहीं पता कि 2023 के चुनाव में अलंद में कुल कितने वोट हटाए गए। ये संख्या 6018 से कहीं ज्यादा है, लेकिन कोई उन वोटों को हटाते हुए पकड़ा गया, और यह संयोग से हुआ। वहां के बूथ लेवल अधिकारी ने देखा कि उसके चाचा का वोट हटा दिया गया है। उन्होंने कहा, 'जब उसने जांच की कि उसके चाचा का वोट किसने हटाया। उसे पता चला कि वोट हटाने वाला एक पड़ोसी था। उसने अपने पड़ोसी से पूछा, लेकिन उन्होंने कहा कि मैंने कोई वोट नहीं हटाया। न तो वोट हटाने वाले व्यक्ति को और न ही जिसका वोट हटाया गया था, उसे इस बारे में पता था। किसी और ताकत ने इस प्रक्रिया को हाईजैक कर लिया और वोट हटा दिया।

ज्ञानेश कुमार वोट चोरों को बचा रहे-राहुल गांधी

कांग्रेस नेता ने कहा कि हर चुनाव में वोटरों के नाम काटे गए। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग जानता है कि इसके पीछे कौन है। राहुल ने कहा कि महाराष्ट्र के राजुरा में 6850 वोट काटे गए। उन्होंने कहा कि ज्ञानेश कुमार नहीं बता रहे हैं कि इसके पीछे कौन है। राहुल गांधी ने कहा कि ज्ञानेश कुमार उन लोगों को बचा रहे हैं, जो वोट काट रहे हैं।

मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर राहुल गांधी का गंभीर आरोप, बोले- प्रोसेस को हाईजैक कर वोटरों के नाम काटे जा रहे

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कांग्रेस के पूर्व राष्‍ट्रीय अध्‍यक्ष और सांसद राहुल गांधी चुनाव आयोग के साथ ही केन्द्र सरकार पर लगातार हमलावर हैं। चुनाव आयोग पर वोट चोरी का आरोप लगाते हुए लगातार निशाना साध रहे हैं। इसी क्रम में कांग्रेस सांसद ने ‘हाइड्रोजन बम’ फोड़ने की बात कही। हालांकि राहुल गांधी ने गुरुवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की। लेकिन कहा, यह हाइड्रोजन बम नहीं है, हाइड्रोजन बम आने वाला है। इस दौरान उन्होंने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर जमकर निशाना साधा। राहुल गांधी ने कहा कि भारत के मुख्य चुनाव आयुक्त उन लोगों को बचा रहे हैं, जिन्होंने भारतीय लोकतंत्र को नष्ट कर दिया है। वे उन्हें बचा रहे हैं, जिन्होंने वोट चोरी किया है।

राहुल गांधी ने कहा कि मैं मुख्य चुनाव आयुक्त के खिलाफ 100 फीसदी सबूत रखने जा रहा हूं। उन्होंने कहा कि सोच-समझकर कांग्रेस के वोट काटे गए। प्रोसेस को हाईजैक कर वोटरों के नाम डिलीट किए गए। उन्होंने कहा कि 14 मिनट में 12 वोट डिलीट किए गए। उन्होंने कहा कि कांग्रेस के वोटरों को निशाना बनाया जा रहा है।

चुनाव आयोग पर राहुल के आरोप

कांग्रेस सांसद ने कहा, कर्नाटक में अलंद एक निर्वाचन क्षेत्र है। किसी ने 6018 वोटों को हटाने की कोशिश की। हमें नहीं पता कि 2023 के चुनाव में अलंद में कुल कितने वोट हटाए गए। ये संख्या 6018 से कहीं ज्यादा है, लेकिन कोई उन वोटों को हटाते हुए पकड़ा गया, और यह संयोग से हुआ। वहां के बूथ लेवल अधिकारी ने देखा कि उसके चाचा का वोट हटा दिया गया है। उन्होंने कहा, 'जब उसने जांच की कि उसके चाचा का वोट किसने हटाया। उसे पता चला कि वोट हटाने वाला एक पड़ोसी था। उसने अपने पड़ोसी से पूछा, लेकिन उन्होंने कहा कि मैंने कोई वोट नहीं हटाया। न तो वोट हटाने वाले व्यक्ति को और न ही जिसका वोट हटाया गया था, उसे इस बारे में पता थाय़ किसी और ताकत ने इस प्रक्रिया को हाईजैक कर लिया और वोट हटा दिया।

ज्ञानेश कुमार वोट चोरों को बचा रहे-राहुल गांधी

कांग्रेस नेता ने कहा कि हर चुनाव में वोटरों के नाम काटे गए। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग जानता है कि इसके पीछे कौन है। राहुल ने कहा कि महाराष्ट्र के राजुरा में 6850 वोट काटे गए। उन्होंने कहा कि ज्ञानेश कुमार नहीं बता रहे हैं कि इसके पीछे कौन है। राहुल गांधी ने कहा कि ज्ञानेश कुमार उन लोगों को बचा रहे हैं, जो वोट काट रहे हैं।

पाकिस्तान-सऊदी अरब के रक्षा समझौता, जानें भारतीय विदेश मंत्रालय की प्रतिक्रिया

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पाकिस्तान ऑपरेशन सिंदूर के बाद से अभी तक सहम हुआ है। इस बीच शहबाज शरीफ सऊदी अरब के दौरे पर हैं और उन्होंने इस दौरान उन्होंने बड़ा एग्रीमेंट साइन किया है। उन्होंने सऊदी के साथ एक खास रक्षा समझौता किया है। इस समझौते के तहत अगर किसी एक देश पर हमला होता है तो, उसे दोनों देशों पर अटैक माना जाएगा। पाकिस्तान और सऊदी अरब के बीच हुई रक्षा समझौते पर भारत की तरफ से पहली प्रतिक्रिया सामने आई है। भारत सरकार ने सतर्क रुख अपनाते हुए कहा है कि वह पूरी स्थिति पर नजर रख रही है।

सऊदी अरब और पाकिस्तान के बीच मंगलवार को हुए ‘स्ट्रैटेजिक म्यूचुअल डिफेंस एग्रीमेंट’ (रणनीतिक पारस्परिक रक्षा समझौता) को लेकर विदेश मंत्रालय ने स्पष्ट किया कि इस समझौते की जानकारी पहले से थी और इसका असर राष्ट्रीय सुरक्षा, क्षेत्रीय तथा वैश्विक स्थिरता के संदर्भ में परखा जाएगा। मंत्रालय ने यह भी कहा कि भारत अपनी राष्ट्रीय हितों की रक्षा करने और सभी क्षेत्रों में अपनी सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है।

समझौते के तहत परमाणु हथियारों के इस्तेमाल का भी प्रावधान

पाकिस्तान और सऊदी अरब ने एक रक्षा समझौते पर हस्ताक्षर किए हैं, जिसके अनुसार किसी भी देश पर हमला दोनों देशों पर हमला माना जाएगा। समझौते के तहत परमाणु हथियारों के इस्तेमाल का भी प्रावधान है। पाकिस्तान और सऊदी अरब के बीच यह समझौता पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ की रियाद यात्रा के दौरान हुआ। शहबाज शरीफ को क्राउन प्रिंस और प्रधानमंत्री मोहम्मद बिन सलमान ने अल-यमामा पैलेस में रिसीव किया। इस यात्रा के दौरान ही 'सामरिक आपसी रक्षा समझौता' हुआ। पाकिस्तान और सऊदी के साझा बयान में कहा गया है कि यह समझौता न सिर्फ द्विपक्षीय सुरक्षा संबंधों को गहरा करने के लिए है, बल्कि क्षेत्रीय और वैश्विक शांति भी इसका लक्ष्य है।

समझौता इस्लामी एकजुटता और साझा हितों पर आधारित

हाल ही में इस्राइल के कतर पर हमले के बाद कतर की राजधानी दोहा में मुस्लिम देशों की बैठक हुई थी, जिसमें पाकिस्तान भी शामिल हुआ। इस बैठक में पाकिस्तान ने नाटो जैसा संगठन बनाने का सुझाव दिया था। पाकिस्तानी मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार यह समझौता इस्लामी एकजुटता और साझा हितों पर आधारित है। सऊदी अधिकारी ने समाचार एजेंसी रॉयटर्स को बताया कि यह एक व्यापक रक्षात्मक समझौता है, जो सभी सैन्य साधनों को कवर करता है

दिल्ली में राहुल गांधी की प्रेस कॉन्फ्रेंस आज, क्या फूटेगा “हाइट्रोजन बम”

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कांग्रेस सांसद और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी गुरुवार को दिल्ली स्थित इंदिरा भवन में प्रेस कॉन्फ्रेंस करने वाले हैं। कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने बुधवार को इसकी जानकारी दी। खेड़ा ने एक्स पर एक पोस्ट में बताया कि राहुल सुबह 10 बजे प्रेस कॉन्फ्रेंस करेंगे। ऐसा माना जा रहा कि इसमें वह कथित 'वोट चोरी' से जुड़े नए खुलासे कर सकते हैं। पटना में उन्होंने दावा किया था कि उनकी पार्टी वोट चोरी को लेकर 'हाइड्रोजन बम' फोड़ने जा रही। अब कयास लगाए जा रहे कि वो क्या बड़ा खुलासा करेंगे।

राहुल गांधी ने बीते एक सितंबर को पटना में ‘वोटर अधिकार यात्रा’ के समापन पर ‘वोट चोरी’ से जुड़े अपने पहले के खुलासे का हवाला दिया। उन्होंने दावा किया था कि 'एटम बम' के बाद अब 'हाइड्रोजन बम' आने वाला है, जिसके बाद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपना मुंह नहीं दिखा पाएंगे। उन्होंने बेंगलुरु के महादेवपुरा विधानसभा क्षेत्र में कथित वोट चोरी का मुद्दा बीते सात अगस्त को प्रेस कॉन्फ्रेंस जरिये उठाया था। इस खुलासे को उन्होंने 'एटम बम' कहा था।

दरअसल, राहुल गांधी पहले भी चुनाव में धांधली का आरोप लगाते रहे हैं। ईवीएम पर सवाल उठते रहे हैं। वे सबूतों के साथ कथित वोट चोरी के मामले को लेकर बेहद आक्रामक नजर आ रहे हैं। बेंगलुरु साउथ लोकसभा सीट की महादेवपुरा विधानसभा में कथित रूप से 1 लाख से ज्यादा वोट फर्जी के खुलासे को एटम बम बताने के बाद राहुल गांधी अब हाइड्रोजन बम फोड़ने वाले हैं।

आतंकियों ने खोल दी पाकिस्तान की पोल...जैश कमांडर के कबूलनामे पर पीएम मोदी का पड़ोसी देश पर निशाना

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प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का आज 75 जन्मदिन दिन है। पीएम मोदी ने मध्य प्रदेश के धार से अपने जन्मदिन पर देशभर को ढेरों सौगात दी। प्रधानमंत्री मोदी ने ‘स्वस्थ नारी सशक्त परिवार’ अभियान, 8वें राष्ट्रीय पोषण माह, आदि कर्मयोगी अभियान और सुमन सखी चैटबॉट का शुभारंभ किया। पीएम मोदी ने धार में जनसभा को भी संबोधित किया। धार में सभा को संबोधित करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि आज भगवान विश्वकर्मा की जयंती है। अपने कौशल से राष्ट्र निर्माण में लगे करोड़ों भाइयों और बहनों को मैं प्रणाम करता हूं।

किसी की परमाणु धमकियों से डरता नहीं-पीएम मोदी

पीएम मोदी ने अपने संबोधन में ऑपरेशन सिंदूर का जिक्र किया। पीएम मोदी ने कहा, पाकिस्तान से आए आतंकियों ने हमारी बहन-बेटियों का सिंदूर उजाड़ा। हमने ऑपरेशन सिंदूर करके आतंकी ठिकानों को उजाड़ा। हमारे वीर जवानों ने कुछ क्षण में ही घुटनों पर ला दिया। ये नया भारत है, ये किसी की परमाणु धमकियों से डरता नहीं है, घर में घुसकर मारता है।

जैश कमांडर के कबूलनामे पर क्या बोले पीएम मोदी

प्रधानमंत्री ने आगे कहा, कल ही देश और दुनिया ने देखा है कि फिर एक पाकिस्तानी आतंकी ने रो-रोकर अपना हाल बताया। पीएम ने जैश-ए-मोहम्मद के टॉप कमांडर मसूद इलियास के रो-रोकर किए गए कबूलनामे पर प्रतिक्रिया दी। दरअसल, जैश-ए-मोहम्मद के टॉप कमांडर मसूद इलियास कश्मीरी का एक वीडियो वायरल हुआ। उसमें उसने कहा कि 7 मई को भारत के बहावलपुर पर हमले में मौलाना मसूद अजहर के परिवार के टुकड़े-टुकड़े हो गए। उसके मुताबिक, यह हमला भारत के ऑपरेशन सिंदूर का हिस्सा था।

हैदराबाद लिबरेशन डे मना रही सरकार

पीएम मोदी ने कहा- आज 17 सितंबर को इतिहासिक अवसर है। आज ही के दिन देश ने सरदार पटेल की फौलादी इच्छा शक्ति का उदाहरण देखा था। आज ही के दिन हैदराबाद के लोगों को अत्याचारों से मुक्ति दिलाई गई थी। इस दिन को कोई याद करने वाला नहीं था। हमारी सरकार ने हैदाराबद की घटना को अमर कर दिया है। हमने इस दिन को हैदराबाद लिबरेशन डे के तौर पर मनाने की शुरूआत की है। ये दिन हमें प्रेरणा देता है कि हमारा हर पल देश के लिए है।

विकसित भारत के चार स्तंभ

पीएम मोदी ने कहा- गुलामी की जंजीरों को तोड़कर देश आगे बढ़े ये हमारे देशभक्त चाहते थे। हमने विकसित भारत बनाने का संकल्प लिया है। इस विकसित यात्रा के चार स्तंभ हैं। भारत की नारी शक्ति, युवा शक्ति गरीब और किसान। इस कार्यक्रम में चारों स्तंभों को मजबूती देने का काम हुआ है। ये कार्यक्रम धार में हो रहा है लेकिन, ये पूरे भारत के लिए हो रहा है। यहां से स्वस्थ्य नारी, सशक्त परिवार जैसे महा अभियान की शुरूआत हो रही है। पूरे देश में आदि सेवा की गूंज सुनाई दे रही है। आज से इसका मध्यप्रदेश संस्करण शुरू हो रहा है।

पीएम मोदी ने माता-बहनों से की खास अपील

पीएम मोदी ने धार में जनसभा को संबोधित करते हुए कहा, स्वस्थ नारी, सशक्त परिवार माताओं के लिए समर्पित है। देश की माताएं और बहनों ने बढ़-चढ़कर मुझे आशिर्वाद देती हैं। मैं माता बहनों से प्रार्थना करता हूं कि स्वास्थ जांच कैंप में जाकर जांच कराएं। एक बेटा और भाई होने के नाते इतना तो मांग ही सकता हूं। जांच और दवाई मुफ्त होंगी चाहें कितनी भी महंगी हो। आपके स्वास्थ से ज्यादा महंगी सरकारी तिजोरी नहीं है। ये अभियान आज से शुरू होकर विजयादशमी तक विजयी होने तक चलने वाला है। मैं माता बहनों से कहना चाहता हूं कि कुछ समय अपने लिए भी निकालिये। लाखों कैंप लगने वाले हैं, ज्यादा से ज्यादा संख्या में वहां जाएं और अपनी जांच कराएं।

टेक्सटाइल इंडस्ट्री को नई ऊर्जा मिलेगी

पीएम मोदी ने कहा- आज विश्वकर्मा जयंती के दिन बड़ी शुरूआत हुई है। देश के सबसे बड़े इंटीग्रेटेड टेक्सटाइल पार्क की शुरुआत मध्य प्रदेश से हुई है। इससे देश की टेक्सटाइल इंडस्ट्री को नई ऊर्जा मिलेगी। इससे युवाओं को रोजगार मिलेगा। इसके लिए मैं एमपी को विशेष बधाई देता हूं।

कनाडा में खालिस्तान समर्थकों की गीदड़ भभकी, भारतीय वाणिज्य दूतावास पर कब्जे की दी धमकी

#sfjkhalistanthreatenstoseizevancouverindian_consulate 

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खालिस्तानी संगठन सिख्स फॉर जस्टिस (एसएफजे) ने एक बार फिर भारत का विरोध किया है। एसएफजे ने कनाडा के वैंकूवर में भारत के वाणिज्य दूतावास पर कब्जे की धमकी दी है। उसने भारतीयों को उस क्षेत्र में जाने से मना भी किया है। संगठन के लोगों ने दूतावास के अधिकारी की आपत्तिजनक तस्वीर भी बनाई है। एसएफजे की धमकी ऐसे समय में आई है जब भारत और कनाडा अपने राजनयिक संबंध सामान्य करने के लिए मशक्कत कर रहे हैं। 

भारतीय उच्चायुक्त दिनेश पटनायक पर निशाना

खालिस्तानी संगठन ने एक पोस्टर भी जारी किया जिसमें नए भारतीय उच्चायुक्त दिनेश पटनायक के चेहरे पर निशाना साधा हुआ दिखाया गया है। एक बयान में इस अलगाववादी समूह ने भारतीय वाणिज्य दूतावासों पर खालिस्तानियों को निशाना बनाकर जासूसी नेटवर्क चलाने और निगरानी करने का आरोप लगाया। 

पूर्व पीएम ट्रूडो के बयान का हवाला

बयान में कहा गया है, दो साल पहले - 18 सितंबर 2023 - प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो ने संसद को बताया था कि हरदीप सिंह निज्जर की हत्या में भारतीय एजेंटों की भूमिका की जांच चल रही है। पोस्ट में आगे कहा गया है, दो साल बाद भी भारतीय वाणिज्य दूतावास खालिस्तान जनमत संग्रह के समर्थकों को निशाना बनाकर जासूसी नेटवर्क और निगरानी चला रहे हैं। एसएफजे ने आरोप लगाया कि उनके लिए खतरा इतना गंभीर था कि रॉयल कैनेडियन माउंटेड पुलिस (RCMP) को इंद्रजीत सिंह गोसल को गवाह सुरक्षा की पेशकश करनी पड़ी, जिन्होंने निज्जर की मौत के बाद खालिस्तान जनमत संग्रह अभियान का नेतृत्व संभाला था।

भारत-कनाडा के राजनयिक संबंध से नाखुश खालिस्तानी

दरअसल भारत और कनाडा के बीच हाल ही में राजनयिक संबंध फिर से शुरू हुए हैं। खालिस्तानी संगठन इसको लेकर खुश नहीं हैं। अहम बात यह भी है कि इस महीने की शुरुआत में कनाडाई सरकार ने एक आंतरिक रिपोर्ट में अपने देश में खालिस्तानी आतंकवादी संगठनों की मौजूदगी की बात मानी थी और भारत के खिलाफ आतंक के लिए फंडिंग कैसे मिलती है, इसका भी जिक्र किया था। इन समूहों में बब्बर खालसा इंटरनेशनल और इंटरनेशनल एसवाईएफ भी शामिल हैं। ये दोनों कनाडा में आतंकवादी संगठन के रूप में लिस्टेड हैं।