धनबाद रेलवे स्टेशन पर IRCTC कर्मचारियों पर हमला, अवैध पानी की बोतलें जब्त करने पर बवाल


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धनबाद : रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म नंबर-2 पर सोमवार की रात IRCTC के कर्मचारियों पर हमला किया गया।

मिली जानकारी के अनुसार IRCTC के कर्मचारी गैर मान्यता प्राप्त पानी की बोतलें जब्त करने पहुंचे थे तभी पानी माफिया सिंडिकेट ने उन पर हमला कर दिया।

घटना में IRCTC के एरिया ऑफिसर राकेश कुमार और कर्मचारी अफताब हुसैन को 8-10 लोगों ने घेरकर बुरी तरह पीटा। दोनों के सिर पर गंभीर चोटें आईं।

वहीं अफ़रा-तफ़री के बीच हमलावर मौके से फरार हो गए। घायल कर्मचारियों को देर रात RPF की मदद से SNMMCH में भर्ती कराया गया।

गैर मान्यता प्राप्त पानी की बोतलों की पेटियां जब्त

इस संबंध में IRCTC के अधिकारियों ने बताया कि गंगा-सतलज एक्सप्रेस में गैर मान्यता प्राप्त पानी की बोतलों की सप्लाई और अधिक कीमत वसूले जाने की लगातार शिकायतें मिल रही थीं।

सोमवार को एक ही दिन में आधा दर्जन शिकायतें मिलने के बाद एरिया ऑफिसर राकेश कुमार और अफताब हुसैन जांच के लिए ट्रेन में पहुंचे।

जांच के दौरान गंगा-सतलज एक्सप्रेस से गैर मान्यता प्राप्त पानी की बोतलों की कई पेटियां जब्त की गईं। इन पेटियों को नीचे उतारने के बाद जैसे ही ट्रेन रात 9:50 बजे रवाना हुई, कुछ लोगों ने अचानक हमला कर दिया।

IRCTC कर्मचारियों ने आरोप लगाया है कि इस हमले में मनईटांड के रिंकु सिंह और रिशु सिंह समेत अन्य लोग शामिल हैं। घटना की जानकारी मिलने के बाद आरपीएफ इंस्पेक्टर पंकज कुमार भी SNMMCH पहुंचे और घायलों का हालचाल लिया।

छात्रों पर लाठी चार्ज के खिलाफ धनबाद में प्रदर्शन,भाजपा ने हेमंत सरकार का फूंका पुतला

विधायक ने की सीबीआई से जेएससीसी सीजीएल से परीक्षा की जाँच कराने की मांग

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झारखंड डेस्क

धनबाद : रांची में सीजीएल परीक्षा का विरोध करने पहुंचे छात्रों पर हुए लाठीचार्ज के खिलाफ आज धनबाद में भाजपा कार्यकर्ताओं ने हेमंत सरकार का पुतला दहन किया।साथ ही जेएससीसी सीजीएल परीक्षा को रद्द कर परीक्षा में हुई धांधली की सीबीआई से जाँच कराने की मांग की गई।

पुतला दहन कार्यक्रम में शामिल हुए धनबाद विधायक राज सिन्हा ने आरोप लगाया कि राज्य के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने छात्रों पर बर्बरतापूर्ण तरीके से छात्रों पर लाठीचार्ज करायी। भाजपा पहले भी यह मांग उठाते आयी कि परीक्षा में धांधली हुई है जिससे छात्र आंदोलित हैं।

इसके बाद भी हेमंत सरकार यही कहती रही की परीक्षा ठीक से हुई है और ज़ब छात्रों ने आंदोलन किया तो उनपर लाठियाँ बरसाई गई।रांची हाईकोर्ट ने भी अब परीक्षा की कार्यवाही पर रोक लगा दी है।भाजपा छात्रों के साथ है और परीक्षा में हुए धांधली की सीबीआई से जाँच की मांग करती है।

मुनीडीह के भटिंडा फॉल में पर्यटक18 से उठा पाएंगे नौका विहार का आनंद, उद्घाटन कल

झा.डेस्क

पुटकी(धनबाद): मुनीडीह स्थित भाटिन हाड़ि थान (भटिंडा फाल) जलप्रपात में नौका विहार (बोटिंग) को प्रारंभ करने को ले सोमवार को भाटिन हाड़ि थान पंचायत एवं प्रखंड कमिटी के संरक्षक एवं युवा उधमी सह पूर्व धनबाद प्रखंड प्रमुख मनोज कुमार महतो से कई मुद्दों पर चर्चा की। जिसमे मुख्य रूप से कुड़मियों के धार्मिक पर्यटन स्थल भाटिन हाड़ि थान (भटिंडा ) को बढ़ावा एवं स्थानीय बेरोजगार को रोजगार के दृष्टिकोण से नौका विहार के लिए सहमति बनी। 

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बिनोद बिहारी महतो स्मारक समिति अध्यक्ष संदीप कुमार महतो ने बताया कि बोटिंग उसी स्थान पर किया जाएगा जहां जलस्तर 5 फिट से ज्यादा न हो। प्रत्येक नौका पर एक गोताखोर/सुरक्षाकर्मी मौजूद रहेंगे। साथ ही सैलानियों को लाइफ जैकेट के साथ ही नौका में सवार किया जाएगा..

वहीं बोटिंग का उद्घाटन बिनोद बिहारी महतो की पुण्यतिथि के अवसर पर 18 दिसंबर को धनबाद प्रखंड प्रमुख आरती देवी एवं समाज के गणमान्यों के उपस्थिति में किया जाएगा। मौके पर अशोक कुमार महतो,अशोक महतो,संदीप महतो,जयप्रकाश महतो,मनोज महतो,सतीश महतो आदि।

झारखंड के दीपक कुमार बने एथलेटिक्स के लेवल-3 कोच,पटियाला में आयोजित वर्ल्ड एथलेटिक्स कोचेज प्रोग्राम के तहत,हासिल की अहर्ता

झारखंड डेस्क

रांची: देवघर के लेवल-2 कोच दीपक कुमार ने पटियाला में आयोजित वर्ल्ड एथलेटिक्स कोचेज प्रोग्राम के तहत मिडिल और लांग डिस्टेंस कोर्स पूरा कर लेवल-3 कोच की अर्हता हासिल कर ली है. 

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दीपक कुमार से पहले झारखंड के पांच प्रशिक्षक वर्ल्ड एथलेटिक्स लेवल-3 कोच की अर्हता पूरी कर चुके हैं. इनमें बिनोद कुमार सिंह, योगेश प्रसाद यादव, आशु भाटिया, चंदन कुमार और रितेश आनंद शामिल हैं. झारखंड एथलेटिक्स संघ प्लानिंग कमेटी के चेयरमैन डॉ मधुकांत पाठक, जेएए के अध्यक्ष सीडी सिंह, सचिव एसके पांडेय, आशीष झा समेत संघ के अन्य पदाधिकारियों ने दीपक को बधाई दी है….

निरसा में वर्चस्व को लेकर भाकपा माले और भाजपा समर्थकों जे बीच मारपीट,दोनों पक्ष के लोग घायल


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झारखंड डेस्क 

धनबाद: निरसा ईसीएल मुगमा एरिया की गोपीनाथपुर एमडीओ परियोजना में वर्चस्व कायम करने को लेकर भाकपा(माले) और भाजपा समर्थकों के बीच न सिर्फ जमकर मारपीट हुई बल्कि पथराव भी हुआ. इस दौरान सुरक्षा में तैनात सिपाही कार्तिक महतो, जिप सदस्य संजय सिंह समेत दोनों पक्षों के करीब एक दर्जन लोग घायल हो गए हैं. साथ ही करीब सात बाइक और कई कुर्सियां क्षतिग्रस्त हुई हैं.

क्या है पूरा मामला

दरअसल, गोपीनाथपुर एमडीओ परियोजना में माले समर्थित निरसा बेरोजगार संघर्ष समिति अपनी नौ सूत्री मांगों को लेकर कोलियरी में प्रदर्शन करने पहुंची थी. इंडिया गठबंधन के लोग भी उनके समर्थन में पहुंच गए. प्रदर्शन करने के बाद टेंट लगाकर धरने पर बैठ गए. कुछ देर बाद भाजपा समर्थित गोपीनाथपुर कोलियरी बेरोजगार संघर्ष समिति के लोग भी मौके पर पहुंचे.

इसके बाद इंडिया गठबंधन के लोग भी आमने-सामने धरने पर बैठ गए. कुछ ही देर बाद दोनों पक्षों में विवाद शुरू हो गया और देखते ही देखते पथराव होने लगा. भाजपा के समर्थन में जीपीएल के कर्मी भी उतर आए. गोपीनाथपुर कोलियरी परिसर करीब आधे घंटे तक रणक्षेत्र में तब्दील हो गया. टेंट में आग लगा दी गई. निरसा एसडीपीओ रजत मानिक बाखला दलबल के साथ मौके पर पहुंचे और पुलिस बल का प्रयोग करते हुए उपद्रवियों को खदेड़ा.

इस मामले में निरसा विधायक अरूप चटर्जी का कहना है कि 7 दिन पूर्व ही अपनी मांगों को लेकर प्रबंधन को धरना पर बैठने का अल्टीमेटम दिया था, लेकिन धरना के दौरान कंपनी के गुंडों के द्वारा उपद्रव मचाया गया और लोगों के साथ मारपीट की गई है. 

वहीं, निरसा की पूर्व भाजपा विधायक अपर्णा सेनगुप्ता ने कहा कि जब से अरूप चटर्जी विधायक बने हैं, तब से निरसा को अशांत बनाने की साजिश रच रहे हैं. निजी स्वार्थ और कोयला चोरी को बढ़ावा देने के लिए विधायक अरूप चटर्जी अपने समर्थकों से आंदोलन करवा रहे हैं.

इस पूरे मामले में निरसा एसडीपीओ रजत मानिक ने बताया कि धरना के दौरान उपद्रवियों द्वारा पत्थरबाजी शुरू की गई थी. जिसके बाद मामला बिगड़ गया. मारपीट की घटना में पुलिसकर्मी भी घायल हुए हैं. घटना की जांच की जा रही है, इसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी.

प्रसिद्ध कृषि अर्थशास्त्री एवं योजनाकार) डॉ. राधाकांत मिश्र का निधन


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झा.डेस्क

रांची | प्रसिद्ध कृषि अर्थशास्त्री एवं योजनाकार तथा बीएयू के अवकाश प्राप्त निदेशक (योजना एवं विकास) डॉ. राधाकांत मिश्र का सोमवार की शाम कृषि बिहार, अरसंडे, कांके स्थित उनके आवास पर निधन हो गया।

 वे 92 वर्ष के थे। बीएयू में उपनिदेशक और निदेशक (पीआईएम) के रूप में उन्होंने 1983 से 1993 तक कार्य किया।

 इसके पूर्व वह बिहार सरकार में योजना पदाधिकारी के रूप में पटना में कार्यरत थे। डॉ मिश्र मूलतः सीतामढ़ी जिला के रहने वाले थे। उनके एकमात्र पुत्र पंकज मिश्र ने पत्रकार के रूप में अलग-अलग अखबारों में लंबे समय तक कार्य किया है।

धनबाद में 18 दिसंबर को आयोजित होगा जन शिकायत समाधान कार्यक्रम, नागरिकों को समस्याओं के त्वरित निवारण का मिलेगा अवसर

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झारखंड डेस्क

धनबाद: पुलिस महानिदेशक के निर्देश पर पुलिस द्वारा जन शिकायत समाधान कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा।इस विशेष अभियान के तहत 18 दिसम्बर को धनबाद के पांच स्थान पर कार्यक्रम का आयोजन होगा । जिसमें बाघमारा अनुमंडल अंतर्गत सभी थानों के लिए शिविर कतरास स्थित राजस्थानी धर्मशाला में आयोजित की जाएगी, सिंदरी अनुमंडल के लिए जोरापोखर स्थित टाटा कम्युनिटी हॉल डिगवाडीह, निरसा अनुमंडल के लिए निरसा पॉलिटेक्निक कॉलेज, डीएसपी हेडक्वार्टर 1 एवं 2 के क्षेत्र की जनता के लिए अल इकरा कॉलेज टुंडी गोविंदपुर रोड तथा डीएसपी लॉ एंड ऑर्डर के अंतर्गत सभी थानों के लिए शिविर का आयोजन अभय सुंदरी बालिका उच्च विद्यालय हीरापुर में किया जाएगा। 

जन शिकायत समाधान शिविर के तहत शिकायतों के निवारण के लिए जिला स्तरीय विशेष सेल का गठन किया गया है। जिसके माध्यम से शिकायतों का निवारण विभिन्न चरणों में किया जाएगा। लोग अपनी शिकायत व्हाट्सएप नंबर 9470589467 तथा ईमेल आईडी पर भी सीधे दर्ज़ करा सकते हैं। 

वहीं कार्यक्रम में शिकायतकर्ता की शिकायतों का त्वरित निष्पादन करने के लिए पुलिस पदाधिकारी के साथ प्रखंड विकास पदाधिकारी, अंचल अधिकारी, जिला विधिक सेवा प्राधिकार (डीएलएसए), पारा लिगल वॉलेंटियर भी शिविर में उपस्थित रहेंगे। 

कार्यक्रम में नागरिकों की समस्या को समझते हुए पुलिस व्यवस्था में आवश्यक नीतिगत सुधार करने का प्रयास किया जाएगा।

पुलिस पदाधिकारी या पुलिसकर्मी के विरुद्ध शिकायत मिलने पर शिकायतकर्ता की पहचान गोपनीय रखी जाएगी तथा वरीय पदाधिकारी के माध्यम से उसका निवारण किया जाएगा। 

कार्यक्रम के दौरान लोगों को विक्टिम कंपनसेशन स्कीम, नये कानून के बारे में जानकारी दी जाएगी। इसके अलावा जीरो एफआईआर, ऑनलाइन एफआईआर, डायल 112, डायल 1930 इत्यादि की जानकारी भी दी जाएगी। 

साथ ही संपत्ति मूलक अपराध, अपराधियों की सूचना, साइबर अपराध, नॉन बैंकिंग फाइनेंस, मल्टी स्टेट कोऑपरेटिव के द्वारा अत्याधिक लाभ दिलाने का प्रलोभन देकर ठगी से बचने के लिए लोगों को जागरूक भी किया जाएगा। 

जन शिकायत समाधान कार्यक्रम के दौरान 18 दिसम्बर को शिविर में आने वाले नागरिकों द्वारा संबंधित शिकायतों को प्राप्त कर उक्त शिकायतों का पंजीकरण किया जाएगा । 

शिविर में प्राप्त शिकायतों पर कार्रवाई करते हुए मामले का निस्तारण उसी वक़्त शिविर मे किया जाएगा ।

शिविर के दौरान जिन शिकायतों का निबटारा तत्काल संभव नहीं होगा, वैसे मामलों के निस्तारण के लिए एक समय सीमा निर्धारित करते हुए शिकायतकर्ता को सूचित किया जाएगा । 

अभियान के उद्देश्य से गठित विशेष सेल यह सुनिश्चित करेगी कि जिन शिकायतों का निबटारा शिविर में नही हुआ वैसे मामलों का निस्तारण तय समय सीमा के भीतर किया जा सके।

पुलिस द्वारा बनाये जा रहे सर्वोत्तम पद्धतियों को इस कार्यक्रम के दौरान शिविर में प्रदर्शित किया जाएगा ताकि आम जनता को इसकी जानकारी दी जा सके। धनबाद मे रहने वाले नागरिक अपनी किसी भी तरह की शिकायत को अपने घर के नजदीक आयोजित होने जा रहे जन समस्या समाधान शिविर में जाकर दर्ज़ करा सकते हैँ।

टुंडी: सालपहाड़ गांव के खलिहान में आग लगने से सौ मन धान जलकर राख


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झारखंड डेस्क

धनबाद : सोमवार को दक्षिणी टुंडी के सालपहाड़ गांव निवासी बानेश्वर मुर्मु के खलिहान में आग लग जाने से करीब एक सौ मन धान जलकर राख हो गया। बताया जाता है कि घर से कुछ दूरी पर खलिहान है। खलिहान में धान रखा हुआ था। किसी प्रकार से आग लग गया।अचानक आग की धुंआ देखकर सभी हकबक रह गये। गांव के ग्रामीणों द्वारा हो हल्ला मचाए जाने पर ग्रामीण एकजुट होकर कुंआ में मशीन लगाकर आग बुझाया गया। तब तक धान जलकर राख हो गया।

सूचना मिलने पर झामुमो वरिष्ठ नेता रतिलाल टुडू पहुंचे व पीड़ित किसान परिवार से मिलकर घटना की जानकारी टुंडी अंचलाधिकारी जितेन्द्र प्रसाद को दी। उन्होंने कहा कि राजस्व कर्मचारी की जांच टीम भेजकर अविलंब पीड़ित परिवार को उचित मुआवजा दिलाने का हरसंभव प्रयास करने की बात कही।

ग्रामीणों ने जले धान की कीमत लगभग 60 हजार रुपए बताई।आग कैसे लगी, किसने लगाई इस बात का खुलासा नहीं हुआ है।

बिग ब्रेकिंग : झारखंड हाइकोर्ट ने JSSC CGL के रिजल्ट पर लगायी रोक, पुलिस को केस दर्ज करने का दिया आदेश

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झारखंड डेस्क 

रांची : झारखंड हाइकोर्ट ने JSSC CGL रिजल्ट जारी करने पर रोक लगा दी है. यह रोक अगले आदेश तक के लिए लगाई गई है. वहीं अदालत ने राज्य सरकार को कहा है कि JSSC CGL परीक्षा पेपर लीक होने के संबंध में दर्ज शिकायत पर परीक्षा संचालन अधिनियम 2023 के तहत पुलिस एफआईआर दर्ज करें और जांच कर रिपोर्ट सौंपे. इस याचिका की अगली सुनवाई 22 जनवरी 2025 को होगी.

दरअसल आज झारखंड कर्मचारी चयन आयोग द्वारा ली गई संयुक्त स्नातक स्तरीय परीक्षा के पेपर लीक मामले की सीबीआई या न्यायिक जांच की मांग वाली जनहित याचिका पर सुनवाई हुई. वहीं इस मामले में पहले हुई सुनवाई के दौरान याचिका कर्ता ने अदालत को बताया कि JSSC CGL Exam 2023, 28 जनवरी 2024 को हुई थी.

इस परीक्षा के बाद छात्रों ने पेपर लीक के आरोप लगाए. इसके बाद सरकार ने एसआईटी गठन कर जांच करने की बात कही. लेकिन अब तक जांच रिपोर्ट सार्वजनिक नहीं की गई. इसके बाद फिर यह परीक्षा 21 और 22 सितंबर 2024 को ली गई। इसमें भी पेपर लीक सहित गड़बड़ियां हुई. इसके बाद याचिकाकर्ता राजेश प्रसाद ने इस संबंध में संबंधित थाने में प्राथमिकी दर्ज करने के लिए ऑनलाइन कंप्लेंट दर्ज की है उस पर भी कोई कार्रवाई नहीं किया गया. इससे संदेह और गहरा हो रहा है.

झारखंड सरकार को केंद्रसरकार का झटका, कहाझारखंड का केंद्र के पास कोई 1.36 लाख करोड़ बकाया नहीं है

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झारखंड डेस्क 

झारखंड की हेमंत सोरेन सरकार को केन्द्र सरकार ने जोर का झटका दिया है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन पिछले कुछ महीनों से लगातार केन्द्र सरकार पर उसके राजस्व का 1.36 लाख करोड़ बकाया होने का दावा कर रहे थे। लेकिन केन्द्र सरकार ने टका सा जवाब देकर झारखंड सरकार को जोरदार झटका दिया है। 

बता दें कि लोकसभा में बिहार के पूर्णिया सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव के एक सवाल के लिखित जवाब में वित्त मंत्रालय की ओर से यह जानकारी दी गयी।

वित्त मंत्रालय ने पप्पू यादव को जवाब दिया। कोयले से प्राप्त 1 लाख 36 हजार करोड़ रुपये के राजस्व के रूप में अर्जित कर में झारखंड सरकार का कोई हिस्सा वर्षों से केंद्र सरकार के पास लंबित नहीं है। वित्त मंत्रालय की ओर से साफ किया गया कि केंद्र की ओर से राज्यों को धन आवंटन में कोई भेदभाव नहीं किया जा रहा। बल्कि झारखंड को पिछले तीन साल में करीब 7790 करोड़ रुपये की राशि उपलब्ध करायी गयी। 

यह राशि केंद्र प्रायोजित स्कीमों के लिए सहायता अनुदान, वित्त आयोग अंतरण और पूंजीगति व्यय-निवेश के लिए उपलब्ध कराई गई।

केन्द्र सरकार ने जो आंकड़ा पप्पू यादव को उपलब्ध कराया है उसके अनुसार, वर्ष 2023-24 में 4580.61 करोड़ रुपये की राशि उपलब्ध कराई गई, जबकि 2022-23 में 2964.32 और 2021-22 में 246 करोड़ की राशि उपलब्ध कराई गई।

हेमंत सोरेन सरकार के लिए बड़ा झटका?

केन्द्र सरकार द्वारा दिया गया जवाब झारखंड की हेमंत सोरेन सरकार के लिए बड़ा झटका है। आपको याद होगा, हेमंत सोरेन बार-बार और कई जनसभाओं में इसका जिक्र करते रहे हैं कि झारखंड के राजस्व का 1.36 लाख करोड़ रुपया केन्द्र सरकार पर बकाया है। अगर यह राशि केन्द्र सरकार से मिल जायेगी तो झारखंड कई योजनाओं की राशि बढ़ा भी दी जायेगा और कई योजनाओं को पूरा किया जा सकता है। यहां यह भी ध्यान देने वाली बात है कि हेमंत सोरेन सरकार, मंईयां योजना समेत कई बड़े वादों के कारण सत्ता में फिर से आयी है, इसे सरकार से मिलने वाली इस बकाया राशि से बड़ी उम्मीदें थी, अब यह सिर्फ राज्य सरकार के लिए, बल्कि राज्य की जनता के लिए भी ‘चिंतनीय विषय’ बन गया है।