दावोस में गूंजेगी 'युवा झारखंड' की धमक: विश्व आर्थिक मंच में भागीदारी देश के विकास के लिए 'टर्निंग प्वाइंट'।

रांची: झारखंड के निर्माण के 25वें वर्ष में राज्य एक बड़ी वैश्विक छलांग लगाने के लिए तैयार है। विश्व आर्थिक मंच (World Economic Forum) की दावोस बैठक में झारखंड की भागीदारी महज एक संवाद नहीं, बल्कि भारत की आर्थिक प्रगति के लिए एक 'टर्निंग प्वाइंट' साबित होने वाली है। मुख्यमंत्री सचिवालय द्वारा जारी बयान के अनुसार, झारखंड अब विश्व के विकास की अगली कहानी को आकार देने के लिए पूरी तरह तैयार है।

प्रमुख रणनीतिक बिंदु:

1. खनिजों से औद्योगिक क्रांति तक: झारखंड, जो कोयला, लौह अयस्क, तांबा और यूरेनियम जैसे महत्वपूर्ण खनिजों से संपन्न है, अब खुद को केवल संसाधनों के स्रोत के रूप में नहीं, बल्कि मूल्यवर्धित उद्योगों (Value-added industries) और सतत आपूर्ति श्रृंखला (Sustainable Supply Chain) के भागीदार के रूप में पेश करेगा।

2. उत्तरदायी निवेश और सतत विकास: मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व में राज्य "प्रकृति के साथ सामंजस्य" की अपनी मूल सोच को वैश्विक मंच पर रखेगा। दावोस में राज्य का ध्यान उत्तरदायी खनन, स्वच्छ ऊर्जा और जलवायु-अनुकूल विकास पर होगा, जो विश्व आर्थिक मंच के मूल एजेंडे से मेल खाता है।

3. वैश्विक निवेशकों से सीधा संवाद: दावोस का मंच झारखंड को दुनिया की प्रमुख कंपनियों के सीईओ, वित्तीय संस्थानों और प्रौद्योगिकी प्रदाताओं से सीधे जुड़ने का अवसर देगा। इससे राज्य में नवीकरणीय ऊर्जा और आधुनिक विनिर्माण के क्षेत्र में बड़े निवेश की संभावनाएँ प्रबल होंगी।

4. 25 वर्षों का युवा झारखंड: अपनी रजत जयंती वर्ष में प्रवेश कर रहा झारखंड अब एक परिपक्व औद्योगिक आधार, विशाल मानव संसाधन और नवाचार के साथ वैश्विक अर्थव्यवस्था में अपनी सामूहिक शक्ति का प्रदर्शन करने के लिए तैयार है।

ThrillOnHills Consolidates Leadership in Char Dham Travel as Kedarnath Temple Opening Sets the Tone for Yatra 2026

India’s religious tourism sector continues to witness steady and structured growth, with the Char Dham Yatra remaining at the heart of spiritual travel in the country. As pilgrim numbers increase every year, the expectations of travelers have also evolved. Safety, comfort, regulatory compliance, and professional journey management are now key decision factors for devotees planning the sacred Himalayan pilgrimage. In this changing landscape, ThrillOnHills has further strengthened its position as a trusted and organized Char Dham travel operator, especially as preparations intensify for the Char Dham Yatra 2026 following the official announcement of the Kedarnath Temple opening.

The Badri Kedar Temple Committee has confirmed that the gates of Kedarnath Dham will open on April 22, 2026, marking the beginning of the peak Char Dham Yatra season. As per traditional customs and astrological calculations, the opening ceremony will take place around 6:20 AM, accompanied by Vedic chanting, temple rituals, and religious offerings. This announcement has triggered heightened activity across Uttarakhand’s pilgrimage ecosystem, as lakhs of devotees from across India and abroad begin planning their journeys well in advance.

Ahead of the temple opening, the revered Doli Yatra of Lord Kedarnath will commence from Ukhimath and reach the shrine on the evening of April 21, 2026, following customary halts along the route. Simultaneously, Yamunotri and Gangotri temples are scheduled to open on April 19, 2026, on the auspicious occasion of Akshaya Tritiya, officially initiating the Char Dham circuit. With a limited pilgrimage window and challenging mountain conditions, advance planning has become crucial for both pilgrims and travel operators.

In this environment, ThrillOnHills stands out as a Pan India travel management company with deep roots in Uttarakhand’s religious tourism sector. Founded in 2010, the company has supported over 50 lakh pilgrim journeys over the years, demonstrating its ability to manage large-scale travel in demanding Himalayan terrain. Every year, ThrillOnHills facilitates travel for more than 15,000 devotees to Kedarnath, Badrinath, Yamunotri, Gangotri, and extended spiritual destinations such as Tungnath.

A key strength of ThrillOnHills lies in its end-to-end journey management model. The company takes complete responsibility for the yatra, including mandatory registrations, accommodation, transportation, local guides, and on-ground coordination. This structured approach significantly reduces the burden on pilgrims, allowing them to focus on their spiritual purpose rather than logistical challenges. A dedicated operations team and 24×7 customer support system ensure continuous assistance during emergencies, weather disruptions, or itinerary changes.

ThrillOnHills is a government-approved travel firm with multiple branches across different parts of India. Its presence in major cities enables personalized pre-travel guidance, smoother communication, and faster issue resolution. The company also maintains one of the strongest B2B Char Dham networks, working closely with local hoteliers, transport providers, helicopter service operators, and trained ground staff. This collaboration helps maintain consistent service quality even during peak yatra periods when demand is at its highest.

Financial accessibility is another area where ThrillOnHills has gained the trust of pilgrims. Understanding that spiritual travel should be inclusive, the company allows bookings with a minimum advance amount and offers part-payment facilities through installments. These traveler-friendly policies have resulted in a high percentage of repeat guests and referral-based clients, strengthening the company’s credibility in the religious tourism sector.

Recognizing the uncertainties associated with mountain travel, ThrillOnHills also offers short-term cancellation policies and flexible travel dates. These provisions address common concerns related to health issues, unpredictable weather, and personal emergencies. Additionally, the company places strong emphasis on pre-travel education, offering practical advice on acclimatization, health precautions, packing essentials, and darshan planning to ensure a safer pilgrimage experience.

With growing demand for faster and less physically demanding travel options, ThrillOnHills facilitates helicopter ticket bookings for Kedarnath and other applicable sectors. These services are seamlessly integrated into customized tour packages, particularly benefiting senior citizens, families, and physically challenged devotees, while maintaining transparency and coordinated execution.

As Char Dham Yatra 2026 approaches, industry observers expect a significant surge in pilgrim movement. With its scalable systems, experienced professionals, and traveler-centric policies, ThrillOnHills is well positioned to support the upcoming season. By combining spiritual sensitivity with professional travel management, the company continues to play an important role in shaping a more structured, safe, and trustworthy future for religious tourism in Uttarakhand.

भाजपा बताए—झारखंड और कर्नाटक में उसका दोहरा चरित्र क्यों : विनोद पांडेय

झामुमो महासचिव विनोद कुमार पांडेय ने बयान जारी कर कहा है कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन जी की विदेश यात्राओं को लेकर भाजपा का बयान न केवल तथ्यहीन है, बल्कि भाजपा की जानी-पहचानी दोहरी मानसिकता और आदिवासी नेतृत्व के प्रति उसकी असहजता व सामंती सोच को भी उजागर करता है। सबसे पहले तो भाजपा मुख्यमंत्री के उस बयान पर गौर करे जिसमें उन्होंने कहा था कि इरादे नेक हों तो परिणाम सुखद होते हैं। सीजीएल परीक्षा को इसके उदाहरण स्वरूप देख सकते हैं। अब आगे प्रमाण के साथ भाजपा के दोहरे मापदंड को बेनकाब करते हैं। भाजपा का दोहरापन ही उसके असली चाल-चरित्र और चेहरे को उजागर करता है। झारखंड पहली बार दावोस जा रहा है, तो भाजपा रोज हेमंत सोरेन जी पर अनर्गल आरोप लगाती है। और दूसरी ओर कर्नाटक में वही भाजपा कांग्रेस से सवाल करती है कि वे दावोस क्यों नहीं जा रहे। एक ही मंच, दो मापदंड - यही भाजपा की असल राजनीति है।

सबसे पहले यह स्पष्ट कर देना जरूरी है कि मुख्यमंत्री जी की विदेश यात्राएं निजी सैर-सपाटा नहीं, बल्कि राज्य के दीर्घकालिक औद्योगिक, पर्यटन और निवेश हितों से जुड़ी रणनीतिक यात्राएं हैं। दुनिया भर में निवेश आकर्षित करने के लिए वैश्विक मंचों पर जाना आज किसी भी प्रगतिशील राज्य सरकार की आवश्यकता है। भाजपा इसे ‘शौक’ कहकर झारखंड के भविष्य का मजाक उड़ा रही है।

भाजपा बताए—कर्नाटक में उसका दोहरा चरित्र क्यों?

आज वही भाजपा, जो झारखंड में दावोस, स्वीडन या स्पेन जाने पर सवाल उठा रही है, कर्नाटक में कांग्रेस सरकार के वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम – 2025 में शामिल न होने पर छाती पीट रही थी। कर्नाटक भाजपा स्वयं कह रही है कि दावोस जैसे मंच पर न जाना ‘राज्य के भविष्य से खिलवाड़’है। तो फिर झारखंड के मामले में भाजपा का यह पाखंड क्यों?

भाजपा नेताओं के अपने बयान बताते हैं कि तमिलनाडु, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश, केरल, महाराष्ट्र जैसे राज्य दावोस में निवेश के लिए जा रहे हैं और करोड़ों के एमओयू साइन हो रहे हैं। महाराष्ट्र के लिए भाजपा नेता गर्व से 15.70 लाख करोड़ के निवेश समझौतों का दावा करते हैं। अगर इन राज्यों के लिए दावोस जाना सही है, तो झारखंड के लिए गलत कैसे हो गया?

आदिवासी मुख्यमंत्री से भाजपा की परेशानी

भाजपा को असल तकलीफ यह है कि झारखंड का नेतृत्व एक आदिवासी मुख्यमंत्री कर रहा है, जो आत्मविश्वास के साथ अंतरराष्ट्रीय मंचों पर झारखंड का पक्ष मजबूती से रखेंगे। जब-जब हेमंत सोरेन जी राज्य को राष्ट्रीय और वैश्विक पहचान दिलाने की कोशिश करते हैं, तब-तब भाजपा का सामंती चेहरा सामने आने लगता है। भाजपा यह भूल जाती है कि केंद्र में उसकी सरकार के प्रधानमंत्री, राज्यों के मुख्यमंत्री और मंत्री लगातार विदेश यात्राएं करते रहे हैं। तब न तो श्वेत पत्र की मांग हुई, न ही ‘सैर-सपाटे’ का तंज कसा गया।

निवेश और जमीनी हकीकत

निवेश कोई जादू की छड़ी नहीं कि आज दौरा हो और कल फैक्ट्री लग जाए। यह एक सतत प्रक्रिया है—एमओयू, नीति, भूमि, आधारभूत संरचना और स्थानीय संसाधनों के विकास से जुड़ी हुई। हेमंत सरकार ने उद्योग नीति, पर्यटन नीति और स्थानीय रोजगार को प्राथमिकता दी है। भाजपा के शासनकाल में झारखंड को सिर्फ खनन और लूट का मॉडल मिला, स्थानीय उद्योगों की दुर्दशा उसी दौर की देन है।

भाजपा करे आत्ममंथन

आज भाजपा को दूसरों से सवाल पूछने से पहले अपने ही नेताओं के बयानों और अपने शासित राज्यों के उदाहरणों को देखना चाहिए। कर्नाटक में दावोस न जाने पर हाय-तौबा मचाने वाली भाजपा, झारखंड में अंतरराष्ट्रीय मंचों पर जाने को अपराध बताने का काम कर रही है।

झारखंड विरोधी भाजपा के दुष्प्रचार से राज्य की जनता भली-भांति परिचित है। हेमंत सोरेन सरकार राज्य के विकास, निवेश और रोजगार के लिए प्रतिबद्ध है और किसी भी राजनीतिक शोर-शराबे से विचलित होने वाली नहीं है

भाजपा को चाहिए कि वह नकारात्मक राजनीति छोड़कर झारखंड के हित में रचनात्मक भूमिका निभाए—यही लोकतंत्र और राज्य, दोनों के लिए बेहतर होगा।

एसीबी जांच एजेंसी की तरह नहीं वसूली एजेंट की तरह काम कर रही....बाबूलाल मरांडी

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवम नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने कहा कि झारखंड में एसीबी द्वारा की जा रही शराब घोटाले की जांच के नाम पर यहां 'घोटाले में भी घोटाला' हो रहा है।

कहा कि एसीबी द्वारा इस मामले में की जा रही गिरफ्तारी का असली मकसद आरोपियों के बीच सिर्फ डर पैदा करना और 'रेट' तय करना है। जैसे ही पर्दे के पीछे 'डील' पक्की होती है और पैसे पहुँच जाते हैं, वैसे ही जानबूझकर चार्जशीट रोक दी जाती है ताकि इन 'बड़ी मछलियों' को आसानी से जमानत मिल जाए।

कहा कि एसीबी अब जांच एजेंसी नहीं, बल्कि वसूली एजेंट की तरह काम कर रही है। जनता की आंखों में धूल झोंकने वाले इस खेल को अब सिर्फ केंद्रीय एजेंसियां ही रोक सकती हैं। लगता है कि अभी सबसे जरूरी तो शराब घोटाले की जांच में शामिल रहे लोगों के द्वारा 'किये गए जांच' की भी उच्चस्तरीय जांच की आवश्यकता है।

कहा कि माननीय न्यायालय संज्ञान ले और शराब घोटाले की जांच तुरंत सीबीआई और ईडी से कराने का आदेश दे, तभी झारखंड को लूटने वाले असली गुनाहगारों को सजा दिलाई जा सकती है।

पुलिस अधीक्षक माघ मेला के निर्देश के क्रम में अपर पुलिस अधीक्षक माघ मेला द्वारा सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गोष्ठी का आयोजन।

संजय द्विवेदी प्रयागराज।माघ मेला प्रयागराज रिज़र्व पुलिस लाइन्स माघ मेला स्थित तीर्थराज सभागार में माघ मेला–2026 ओको सकुशल सुरक्षित एवं निर्विघ्न रूप से संपन्न कराए जाने के उद्देश्य से पुलिस अधीक्षक माघ मेला नीरज कुमार पाण्डेय के निर्देशो के क्रम में अपर पुलिस अधीक्षक माघ मेला प्रवीण कुमार द्वारा संगम एवं परेड जोन के समस्त क्षेत्राधिकारी एवं थाना प्रभारियो के साथ एक गोष्ठी आयोजित की गई।गोष्ठी के दौरान थाना संगम, महावीर अक्षयवट कोतवाली परेड एम.जी.मार्ग एवं जल पुलिस थाना क्षेत्रों के थाना प्रभारी चौकी प्रभारी एवं पुलिस कर्मियो से विस्तारपूर्वक वार्ता की गई।इस अवसर पर उपस्थित हेड कांस्टेबल एवं कांस्टेबलों से उनकी ड्यूटी ड्यूटी प्वाइंट तथा सम्बंधित प्रवेश एवं निकास मार्गो के संबंध में जानकारी प्राप्त की गई।

अपर पुलिस अधीक्षक माघ मेला द्वारा अवगत कराया गया कि मेला क्षेत्र में कल्पवासियों का आगमन हो चुका है,अतः सभी थाना प्रभारी यह सुनिश्चित करें कि कल्पवासियों एवं श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।उन्होंने मेला क्षेत्र में निरंतर सघन चेकिंग आवागमन मार्गो को अतिक्रमण-मुक्त बनाए रखने वाहनों को निकटतम निर्धारित पार्किंग स्थलो में पार्क कराए जाने तथा संदिग्ध व्यक्तियो एवं वस्तुओं पर सतत निगरानी रखने के निर्देश दिए।

उन्होंने यह भी निर्देशित किया कि मेला क्षेत्र में ड्यूटी पर तैनात सभी पुलिसकर्मी पूर्ण सतर्कता एवं सजगता के साथ मानवीय व्यवहार अपनाते हुए श्रद्धालुओ एवं कल्पवासियो के प्रति उच्च कोटि के सेवा भाव के साथ अपने कर्तव्यों का निर्वहन करे।इस गोष्ठी में अपर पुलिस उपायुक्त नगर नोडल अधिकारी माघ मेला विजय आनन्द सम्बंधित क्षेत्राधिकारीगण थाना प्रभारी एवं चौकी प्रभारीगण उपस्थित रहे।

बहार ए हुनर का सफल आयोजन सम्पन्न।

संजय द्विवेदी प्रयागराज।खानम आर्ट गैलरी द्वारा आयोजित "बहार ए हुनर" का सफल आयोजन आज सम्पन्न हुआ।इस दो दिवसीय कार्यक्रम का उद्घाटन खानम आर्ट गैलरी की डायरेक्टर डॉ ज़ाहेदा खानम ने किया।इस अवसर पर विशिष्ट अतिथियों में डॉ सबिहा प्रो.हमीदिया डिग्री कॉलेज राज्य ललित कला अकादमी उत्तर प्रदेश संस्कृत विभाग के सुप्रसिद्ध कलाकार रवीन्द्र कुशवाहा एमिनेंट आर्टिस्ट तलत महमूद स्टॉल होल्डर शाज़िया रहमान दिशा अज़ीज़ा बुशरा फातिमा कमाल रोमा ताजवार राजकुमारी डॉ गज़ाला डॉ.सारा मिसेज कादरी शामिल थे जिन्हें गैलरी ने बुके और मेडल देकर सम्मानित किया।इसके अलावा डॉ सुभिया करीम अंसारी मिसेज कुशवाहा मिसेज तलत भी उपस्थित थी।कार्यक्रम में आर्ट्स एंड क्राफ्ट्स की शॉप और हैण्डमेड मटेरियल की प्रदर्शनी लगाई गई थी जिसे शहर के गणमान्य व्यक्तियो ने सराहा और भारी खरीदारी की। कार्यक्रम में चार प्रतियोगिताएं आयोजित की गई -आर्ट प्रतियोगिता मेहन्दी प्रतियोगिता सिलाई कढ़ाई प्रतियोगिता और मास्टरशेफ प्रतियोगिता। बेस्ट सेलिंग अवॉर्ड सुनहरी बुटिक को मिल।अतिथियो ने प्रतियोगिता के कलाकारों को प्रमाण पत्र व मेडल से सम्मानित किया।

गुरुजी की जयंती पर शिक्षा का उजियारा: मुख्यमंत्री ने स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड के तहत बांटे 12 करोड़ के ऋण पत्र।

रांची: मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने रविवार को दिशोम गुरु शिबू सोरेन की 82वीं जयंती के मौके पर राज्य के नौजवानों के साथ सीधा संवाद किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि बाबा (शिबू सोरेन) भले ही आज शारीरिक रूप से हमारे बीच नहीं हैं, लेकिन उनके संघर्ष और विचार झारखंड के हर गरीब, मजदूर और किसान के लिए मार्गदर्शक बने रहेंगे।

शिक्षा ऋण में झारखंड अव्वल मुख्यमंत्री ने गर्व के साथ बताया कि झारखंड देश का एकमात्र राज्य है जो गुरुजी स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना के माध्यम से मात्र 4% के मामूली ब्याज पर 15 लाख रुपये तक का लोन दे रहा है। उन्होंने कहा कि अब आर्थिक तंगी किसी भी बच्चे की पढ़ाई में बाधा नहीं बनेगी।

रोजगार नहीं, 'अव्वल' बनाने की तैयारी नौजवानों को संबोधित करते हुए सीएम ने कहा, "हम आपको सिर्फ सरकारी नौकरियों के भरोसे नहीं छोड़ना चाहते। हम आपको इस काबिल बनाना चाहते हैं कि आप दुनिया की किसी भी प्रतिस्पर्धा में खड़े होकर खुद को अव्वल साबित कर सकें।"

मुख्यमंत्री द्वारा दी गई प्रमुख सौगातें

योजना/सौगात मुख्य विवरण

गुरुजी स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड 55 लाभार्थियों को ₹12 करोड़ का ऋण स्वीकृति पत्र। अब तक 2430 छात्र लाभान्वित।

सीएम फैलोशिप योजना 23 रिसर्च स्कॉलर्स को ₹25-25 हजार की स्कॉलरशिप राशि प्रदान की गई।

ग्रास रूट इनोवेशन इंटर्नशिप स्नातक/स्नातकोत्तर के विद्यार्थियों हेतु 17,000 इंटर्नशिप के अवसर और ₹10,000 स्टाइपेंड।

डिजिटल डैशबोर्ड और चैटबोट योजनाओं की जानकारी और सहभागिता बढ़ाने हेतु एआई (AI) आधारित तकनीक का शुभारंभ।

मास्टर सोबरेन मांझी पुस्तकालय बोकारो में अत्याधुनिक पुस्तकालय और गुरुजी रात्रि पाठशाला की शुरुआत।

नवाचार: विलेज नॉलेज रजिस्टर (Village Knowledge Register)

मुख्यमंत्री ने "द ग्रास रूट इनोवेशन इंटर्नशिप स्कीम" की शुरुआत की। इसके तहत 4-4 विद्यार्थियों की टीम राज्य की 4345 पंचायतों में जाएगी। ये विद्यार्थी स्थानीय नवाचार (Innovation), पारंपरिक ज्ञान और हस्तकला की पहचान कर उसे डिजिटल 'विलेज नॉलेज रजिस्टर' में दर्ज करेंगे, ताकि झारखंड की धरोहर को सुरक्षित रखा जा सके।

दिशोम गुरु शिबू सोरेन की 82वीं जयंती: मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने गुरुजी के चित्र पर पुष्प अर्पित कर किया नमन।

रांची: झारखंड आंदोलन के प्रणेता, आदिवासियों के मसीहा और झारखंड मुक्ति मोर्चा के संस्थापक दिशोम गुरु शिबू सोरेन की 82वीं जयंती रविवार को पूरे राज्य में हर्षोल्लास के साथ मनाई गई। मुख्य कार्यक्रम रांची के मोरहाबादी स्थित उनके पूर्व आवास पर आयोजित हुआ, जहाँ मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने श्रद्धा सुमन अर्पित कर अपने पिता के योगदान को याद किया।

परिवार और जनप्रतिनिधियों की गरिमामयी उपस्थिति मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन के साथ उनकी माता श्रीमती रूपी सोरेन, विधायक श्रीमती कल्पना सोरेन और परिवार के अन्य सदस्यों ने गुरुजी की तस्वीर पर पुष्प अर्पित किए। इस दौरान वातावरण 'गुरुजी जिंदाबाद' के नारों से गूँज उठा। मौके पर उपस्थित सभी लोगों ने गुरुजी के व्यक्तित्व और झारखंड निर्माण के लिए उनके द्वारा किए गए दशकों लंबे संघर्ष को नमन किया।

नेताओं और कार्यकर्ताओं का लगा जमावड़ा इस गौरवशाली अवसर पर राज्य के मंत्री श्री हफ़ीजुल हसन, श्री सुदिव्य कुमार, राज्यसभा सांसद श्रीमती जोबा माजी, झामुमो के वरिष्ठ नेता श्री विनोद पांडे और श्री सुप्रियो भट्टाचार्य सहित भारी संख्या में जनप्रतिनिधि और कार्यकर्ता मोरहाबादी पहुँचे। सभी ने एक स्वर में झारखंड की प्रगति और जल-जंगल-जमीन की रक्षा के संकल्प को दोहराया।

प्रगति के सपनों को साकार करने का संकल्प मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर कहा कि गुरुजी की विचारधारा और उनका संघर्ष आज भी हमें राज्य की सेवा के लिए प्रेरित करता है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे समाज के अंतिम व्यक्ति तक विकास पहुँचाने के गुरुजी के सपने को धरातल पर उतारने के लिए निरंतर कार्य करें।

Homeo Doctor in Hyderabad for Piles – Natural Healing with Safe and Long-Lasting Homeopathy Care

Consult a trusted homeo doctor in Hyderabad for piles. Get natural, gentle and long-term relief with expert homeopathy treatment.

Introduction: Piles and Its Effect on Your Daily Life

Piles, medically known as hemorrhoids, are swollen and inflamed veins in the anal and rectal region. This condition often leads to pain, itching, bleeding, swelling, and discomfort during bowel movements. Due to changing lifestyle habits, irregular food intake, lack of exercise, and stress, piles have become a common health problem among people of all age groups.

Many individuals ignore piles in the early stages, which can lead to worsening symptoms and complications. If you are looking for a reliable homeo doctor in Hyderabad for piles, homeopathy offers a natural and safe treatment approach that focuses on complete and long-term healing.

Common Symptoms of Piles

Piles can cause a variety of uncomfortable symptoms such as:

  • Pain while passing stools
  • Bleeding during bowel movements
  • Burning and itching sensation in the anal area
  • Swelling or lump near the anus
  • Difficulty sitting comfortably
  • Feeling of incomplete bowel evacuation

These symptoms can affect work, travel, and overall quality of life.

Causes of Piles

The main causes of piles include:

  • Chronic constipation or diarrhea
  • Excessive straining during bowel movements
  • Low-fiber diet
  • Inadequate water intake
  • Prolonged sitting
  • Obesity
  • Pregnancy
  • Sedentary lifestyle

In cities like Hyderabad, long working hours and unhealthy eating habits significantly increase the risk of piles.

Homeopathy Treatment for Piles

Consulting an experienced homeo doctor in Hyderabad helps manage piles naturally and effectively. Homeopathy works by improving digestion, regulating bowel movements, and strengthening rectal veins, which helps reduce swelling and discomfort.

Benefits of Homeopathy for Piles

  • Treats the root cause of piles
  • Reduces pain, swelling, and bleeding
  • Improves bowel regularity
  • Prevents recurrence
  • Safe and gentle treatment
  • Suitable for long-term use

A skilled homeo doctor in Hyderabad creates a personalized treatment plan based on your symptoms, lifestyle, and overall health condition.

Lifestyle Support with Homeopathy

Along with treatment, a homeo doctor in Hyderabad also advises lifestyle improvements such as:

  • Eating fiber-rich foods
  • Drinking plenty of water
  • Regular physical activity
  • Avoiding spicy and junk food
  • Maintaining healthy bowel habits

This combined approach ensures faster healing and long-term prevention of piles.

Spiritual Homeopathy – Trusted Piles Care in Hyderabad

Spiritual Homeopathy is a reputed clinic offering natural and effective homeopathy treatment for piles in Hyderabad. The clinic is known for its experienced doctors, patient-friendly care, and holistic healing approach.

Patients receive personalized attention and complete guidance to achieve lasting relief from piles. Spiritual Homeopathy is a preferred choice for people searching for a dependable homeo doctor in Hyderabad.

Conclusion

Piles can be painful and uncomfortable if left untreated. Early diagnosis and homeopathy treatment can prevent complications and provide long-term relief. Homeopathy offers a safe, natural, and non-invasive solution for piles.

If you are looking for an experienced homeo doctor in Hyderabad for piles, choosing the right homeopathy clinic can help you regain comfort and confidence in your daily life.

Call to Action

Take the first step towards natural healing and lasting relief from piles.

झारखंड में मतदाता सूची मैपिंग का 70% कार्य पूरा: मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने शहरी क्षेत्रों में प्राथमिकता देने का दिया निर्देश।

रांची: झारखंड के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी (CEO) श्री के. रवि कुमार ने शनिवार को निर्वाचन सदन में राज्य के सभी जिलों के जिला निर्वाचन पदाधिकारियों, ईआरओ (ERO) और एईआरओ (AERO) के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक की। बैठक में उन्होंने स्पष्ट किया कि राज्य का लक्ष्य "एक भी पात्र भारतीय नागरिक मतदाता सूची से वंचित न रहे" को सुनिश्चित करना है।

मैपिंग और डिजिटलीकरण पर जोर मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने बताया कि विगत गहन पुनरीक्षण की मतदाता सूची से वर्तमान सूची की मैपिंग का 70% कार्य पूर्ण कर लिया गया है। उन्होंने शहरी क्षेत्रों में इस कार्य को प्राथमिकता के आधार पर करने और सरकारी कार्यालयों में कैंप लगाकर कर्मियों को प्रशिक्षित करने का निर्देश दिया। साथ ही, एब्सेंट, शिफ्टेड, डेथ और डुप्लीकेट (ASDD) सूचियों के डिजिटलीकरण की प्रक्रिया तेज करने को कहा ताकि पुनरीक्षण के समय कोई त्रुटि न रहे।

बीएलओ (BLO) की जानकारी अब सार्वजनिक होगी मतदाताओं की सुविधा के लिए विभाग ने विशेष स्टीकर जारी किए हैं। इन स्टीकरों पर संबंधित बीएलओ का नाम, मोबाइल नंबर, मतदान केंद्र संख्या और विधानसभा क्षेत्र की जानकारी होगी। ये स्टीकर मतदान केंद्र क्षेत्रों में प्रमुख स्थानों पर लगाए जाएंगे ताकि आम नागरिक आसानी से अपने बीएलओ से संपर्क कर सकें।

वोटर आईडी की गुणवत्ता और प्रशिक्षण के. रवि कुमार ने मतदाता पहचान पत्र (Voter ID) की गुणवत्ता सुधारने पर बल देते हुए कहा कि बीएलओ को मोबाइल के जरिए अच्छी फोटो खींचकर बीएलओ ऐप में अपडेट करने का प्रशिक्षण दिया जाए। इसके अलावा, 28 जनवरी से 6 फरवरी के बीच सभी मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के बूथ लेवल एजेंट-2 (BLA-2) का प्रशिक्षण सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया ताकि पुनरीक्षण के दौरान बेहतर समन्वय बना रहे।

दस्तावेज़ सत्यापन (Document Verification) अन्य राज्यों से आने वाले डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन के मामलों पर सीईओ ने सख्त निर्देश देते हुए कहा कि संबंधित राज्यों से आए दस्तावेजों का सत्यापन उसी दिन किया जाए। इसके लिए अवकाश के दिनों में भी रोस्टर ड्यूटी लगाने का सुझाव दिया गया ताकि प्रक्रिया में देरी न हो और गलत दस्तावेजों पर त्वरित कार्रवाई की जा सके।

दावोस में गूंजेगी 'युवा झारखंड' की धमक: विश्व आर्थिक मंच में भागीदारी देश के विकास के लिए 'टर्निंग प्वाइंट'।

रांची: झारखंड के निर्माण के 25वें वर्ष में राज्य एक बड़ी वैश्विक छलांग लगाने के लिए तैयार है। विश्व आर्थिक मंच (World Economic Forum) की दावोस बैठक में झारखंड की भागीदारी महज एक संवाद नहीं, बल्कि भारत की आर्थिक प्रगति के लिए एक 'टर्निंग प्वाइंट' साबित होने वाली है। मुख्यमंत्री सचिवालय द्वारा जारी बयान के अनुसार, झारखंड अब विश्व के विकास की अगली कहानी को आकार देने के लिए पूरी तरह तैयार है।

प्रमुख रणनीतिक बिंदु:

1. खनिजों से औद्योगिक क्रांति तक: झारखंड, जो कोयला, लौह अयस्क, तांबा और यूरेनियम जैसे महत्वपूर्ण खनिजों से संपन्न है, अब खुद को केवल संसाधनों के स्रोत के रूप में नहीं, बल्कि मूल्यवर्धित उद्योगों (Value-added industries) और सतत आपूर्ति श्रृंखला (Sustainable Supply Chain) के भागीदार के रूप में पेश करेगा।

2. उत्तरदायी निवेश और सतत विकास: मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के नेतृत्व में राज्य "प्रकृति के साथ सामंजस्य" की अपनी मूल सोच को वैश्विक मंच पर रखेगा। दावोस में राज्य का ध्यान उत्तरदायी खनन, स्वच्छ ऊर्जा और जलवायु-अनुकूल विकास पर होगा, जो विश्व आर्थिक मंच के मूल एजेंडे से मेल खाता है।

3. वैश्विक निवेशकों से सीधा संवाद: दावोस का मंच झारखंड को दुनिया की प्रमुख कंपनियों के सीईओ, वित्तीय संस्थानों और प्रौद्योगिकी प्रदाताओं से सीधे जुड़ने का अवसर देगा। इससे राज्य में नवीकरणीय ऊर्जा और आधुनिक विनिर्माण के क्षेत्र में बड़े निवेश की संभावनाएँ प्रबल होंगी।

4. 25 वर्षों का युवा झारखंड: अपनी रजत जयंती वर्ष में प्रवेश कर रहा झारखंड अब एक परिपक्व औद्योगिक आधार, विशाल मानव संसाधन और नवाचार के साथ वैश्विक अर्थव्यवस्था में अपनी सामूहिक शक्ति का प्रदर्शन करने के लिए तैयार है।

ThrillOnHills Consolidates Leadership in Char Dham Travel as Kedarnath Temple Opening Sets the Tone for Yatra 2026

India’s religious tourism sector continues to witness steady and structured growth, with the Char Dham Yatra remaining at the heart of spiritual travel in the country. As pilgrim numbers increase every year, the expectations of travelers have also evolved. Safety, comfort, regulatory compliance, and professional journey management are now key decision factors for devotees planning the sacred Himalayan pilgrimage. In this changing landscape, ThrillOnHills has further strengthened its position as a trusted and organized Char Dham travel operator, especially as preparations intensify for the Char Dham Yatra 2026 following the official announcement of the Kedarnath Temple opening.

The Badri Kedar Temple Committee has confirmed that the gates of Kedarnath Dham will open on April 22, 2026, marking the beginning of the peak Char Dham Yatra season. As per traditional customs and astrological calculations, the opening ceremony will take place around 6:20 AM, accompanied by Vedic chanting, temple rituals, and religious offerings. This announcement has triggered heightened activity across Uttarakhand’s pilgrimage ecosystem, as lakhs of devotees from across India and abroad begin planning their journeys well in advance.

Ahead of the temple opening, the revered Doli Yatra of Lord Kedarnath will commence from Ukhimath and reach the shrine on the evening of April 21, 2026, following customary halts along the route. Simultaneously, Yamunotri and Gangotri temples are scheduled to open on April 19, 2026, on the auspicious occasion of Akshaya Tritiya, officially initiating the Char Dham circuit. With a limited pilgrimage window and challenging mountain conditions, advance planning has become crucial for both pilgrims and travel operators.

In this environment, ThrillOnHills stands out as a Pan India travel management company with deep roots in Uttarakhand’s religious tourism sector. Founded in 2010, the company has supported over 50 lakh pilgrim journeys over the years, demonstrating its ability to manage large-scale travel in demanding Himalayan terrain. Every year, ThrillOnHills facilitates travel for more than 15,000 devotees to Kedarnath, Badrinath, Yamunotri, Gangotri, and extended spiritual destinations such as Tungnath.

A key strength of ThrillOnHills lies in its end-to-end journey management model. The company takes complete responsibility for the yatra, including mandatory registrations, accommodation, transportation, local guides, and on-ground coordination. This structured approach significantly reduces the burden on pilgrims, allowing them to focus on their spiritual purpose rather than logistical challenges. A dedicated operations team and 24×7 customer support system ensure continuous assistance during emergencies, weather disruptions, or itinerary changes.

ThrillOnHills is a government-approved travel firm with multiple branches across different parts of India. Its presence in major cities enables personalized pre-travel guidance, smoother communication, and faster issue resolution. The company also maintains one of the strongest B2B Char Dham networks, working closely with local hoteliers, transport providers, helicopter service operators, and trained ground staff. This collaboration helps maintain consistent service quality even during peak yatra periods when demand is at its highest.

Financial accessibility is another area where ThrillOnHills has gained the trust of pilgrims. Understanding that spiritual travel should be inclusive, the company allows bookings with a minimum advance amount and offers part-payment facilities through installments. These traveler-friendly policies have resulted in a high percentage of repeat guests and referral-based clients, strengthening the company’s credibility in the religious tourism sector.

Recognizing the uncertainties associated with mountain travel, ThrillOnHills also offers short-term cancellation policies and flexible travel dates. These provisions address common concerns related to health issues, unpredictable weather, and personal emergencies. Additionally, the company places strong emphasis on pre-travel education, offering practical advice on acclimatization, health precautions, packing essentials, and darshan planning to ensure a safer pilgrimage experience.

With growing demand for faster and less physically demanding travel options, ThrillOnHills facilitates helicopter ticket bookings for Kedarnath and other applicable sectors. These services are seamlessly integrated into customized tour packages, particularly benefiting senior citizens, families, and physically challenged devotees, while maintaining transparency and coordinated execution.

As Char Dham Yatra 2026 approaches, industry observers expect a significant surge in pilgrim movement. With its scalable systems, experienced professionals, and traveler-centric policies, ThrillOnHills is well positioned to support the upcoming season. By combining spiritual sensitivity with professional travel management, the company continues to play an important role in shaping a more structured, safe, and trustworthy future for religious tourism in Uttarakhand.

भाजपा बताए—झारखंड और कर्नाटक में उसका दोहरा चरित्र क्यों : विनोद पांडेय

झामुमो महासचिव विनोद कुमार पांडेय ने बयान जारी कर कहा है कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन जी की विदेश यात्राओं को लेकर भाजपा का बयान न केवल तथ्यहीन है, बल्कि भाजपा की जानी-पहचानी दोहरी मानसिकता और आदिवासी नेतृत्व के प्रति उसकी असहजता व सामंती सोच को भी उजागर करता है। सबसे पहले तो भाजपा मुख्यमंत्री के उस बयान पर गौर करे जिसमें उन्होंने कहा था कि इरादे नेक हों तो परिणाम सुखद होते हैं। सीजीएल परीक्षा को इसके उदाहरण स्वरूप देख सकते हैं। अब आगे प्रमाण के साथ भाजपा के दोहरे मापदंड को बेनकाब करते हैं। भाजपा का दोहरापन ही उसके असली चाल-चरित्र और चेहरे को उजागर करता है। झारखंड पहली बार दावोस जा रहा है, तो भाजपा रोज हेमंत सोरेन जी पर अनर्गल आरोप लगाती है। और दूसरी ओर कर्नाटक में वही भाजपा कांग्रेस से सवाल करती है कि वे दावोस क्यों नहीं जा रहे। एक ही मंच, दो मापदंड - यही भाजपा की असल राजनीति है।

सबसे पहले यह स्पष्ट कर देना जरूरी है कि मुख्यमंत्री जी की विदेश यात्राएं निजी सैर-सपाटा नहीं, बल्कि राज्य के दीर्घकालिक औद्योगिक, पर्यटन और निवेश हितों से जुड़ी रणनीतिक यात्राएं हैं। दुनिया भर में निवेश आकर्षित करने के लिए वैश्विक मंचों पर जाना आज किसी भी प्रगतिशील राज्य सरकार की आवश्यकता है। भाजपा इसे ‘शौक’ कहकर झारखंड के भविष्य का मजाक उड़ा रही है।

भाजपा बताए—कर्नाटक में उसका दोहरा चरित्र क्यों?

आज वही भाजपा, जो झारखंड में दावोस, स्वीडन या स्पेन जाने पर सवाल उठा रही है, कर्नाटक में कांग्रेस सरकार के वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम – 2025 में शामिल न होने पर छाती पीट रही थी। कर्नाटक भाजपा स्वयं कह रही है कि दावोस जैसे मंच पर न जाना ‘राज्य के भविष्य से खिलवाड़’है। तो फिर झारखंड के मामले में भाजपा का यह पाखंड क्यों?

भाजपा नेताओं के अपने बयान बताते हैं कि तमिलनाडु, तेलंगाना, आंध्र प्रदेश, केरल, महाराष्ट्र जैसे राज्य दावोस में निवेश के लिए जा रहे हैं और करोड़ों के एमओयू साइन हो रहे हैं। महाराष्ट्र के लिए भाजपा नेता गर्व से 15.70 लाख करोड़ के निवेश समझौतों का दावा करते हैं। अगर इन राज्यों के लिए दावोस जाना सही है, तो झारखंड के लिए गलत कैसे हो गया?

आदिवासी मुख्यमंत्री से भाजपा की परेशानी

भाजपा को असल तकलीफ यह है कि झारखंड का नेतृत्व एक आदिवासी मुख्यमंत्री कर रहा है, जो आत्मविश्वास के साथ अंतरराष्ट्रीय मंचों पर झारखंड का पक्ष मजबूती से रखेंगे। जब-जब हेमंत सोरेन जी राज्य को राष्ट्रीय और वैश्विक पहचान दिलाने की कोशिश करते हैं, तब-तब भाजपा का सामंती चेहरा सामने आने लगता है। भाजपा यह भूल जाती है कि केंद्र में उसकी सरकार के प्रधानमंत्री, राज्यों के मुख्यमंत्री और मंत्री लगातार विदेश यात्राएं करते रहे हैं। तब न तो श्वेत पत्र की मांग हुई, न ही ‘सैर-सपाटे’ का तंज कसा गया।

निवेश और जमीनी हकीकत

निवेश कोई जादू की छड़ी नहीं कि आज दौरा हो और कल फैक्ट्री लग जाए। यह एक सतत प्रक्रिया है—एमओयू, नीति, भूमि, आधारभूत संरचना और स्थानीय संसाधनों के विकास से जुड़ी हुई। हेमंत सरकार ने उद्योग नीति, पर्यटन नीति और स्थानीय रोजगार को प्राथमिकता दी है। भाजपा के शासनकाल में झारखंड को सिर्फ खनन और लूट का मॉडल मिला, स्थानीय उद्योगों की दुर्दशा उसी दौर की देन है।

भाजपा करे आत्ममंथन

आज भाजपा को दूसरों से सवाल पूछने से पहले अपने ही नेताओं के बयानों और अपने शासित राज्यों के उदाहरणों को देखना चाहिए। कर्नाटक में दावोस न जाने पर हाय-तौबा मचाने वाली भाजपा, झारखंड में अंतरराष्ट्रीय मंचों पर जाने को अपराध बताने का काम कर रही है।

झारखंड विरोधी भाजपा के दुष्प्रचार से राज्य की जनता भली-भांति परिचित है। हेमंत सोरेन सरकार राज्य के विकास, निवेश और रोजगार के लिए प्रतिबद्ध है और किसी भी राजनीतिक शोर-शराबे से विचलित होने वाली नहीं है

भाजपा को चाहिए कि वह नकारात्मक राजनीति छोड़कर झारखंड के हित में रचनात्मक भूमिका निभाए—यही लोकतंत्र और राज्य, दोनों के लिए बेहतर होगा।

एसीबी जांच एजेंसी की तरह नहीं वसूली एजेंट की तरह काम कर रही....बाबूलाल मरांडी

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवम नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने कहा कि झारखंड में एसीबी द्वारा की जा रही शराब घोटाले की जांच के नाम पर यहां 'घोटाले में भी घोटाला' हो रहा है।

कहा कि एसीबी द्वारा इस मामले में की जा रही गिरफ्तारी का असली मकसद आरोपियों के बीच सिर्फ डर पैदा करना और 'रेट' तय करना है। जैसे ही पर्दे के पीछे 'डील' पक्की होती है और पैसे पहुँच जाते हैं, वैसे ही जानबूझकर चार्जशीट रोक दी जाती है ताकि इन 'बड़ी मछलियों' को आसानी से जमानत मिल जाए।

कहा कि एसीबी अब जांच एजेंसी नहीं, बल्कि वसूली एजेंट की तरह काम कर रही है। जनता की आंखों में धूल झोंकने वाले इस खेल को अब सिर्फ केंद्रीय एजेंसियां ही रोक सकती हैं। लगता है कि अभी सबसे जरूरी तो शराब घोटाले की जांच में शामिल रहे लोगों के द्वारा 'किये गए जांच' की भी उच्चस्तरीय जांच की आवश्यकता है।

कहा कि माननीय न्यायालय संज्ञान ले और शराब घोटाले की जांच तुरंत सीबीआई और ईडी से कराने का आदेश दे, तभी झारखंड को लूटने वाले असली गुनाहगारों को सजा दिलाई जा सकती है।

पुलिस अधीक्षक माघ मेला के निर्देश के क्रम में अपर पुलिस अधीक्षक माघ मेला द्वारा सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गोष्ठी का आयोजन।

संजय द्विवेदी प्रयागराज।माघ मेला प्रयागराज रिज़र्व पुलिस लाइन्स माघ मेला स्थित तीर्थराज सभागार में माघ मेला–2026 ओको सकुशल सुरक्षित एवं निर्विघ्न रूप से संपन्न कराए जाने के उद्देश्य से पुलिस अधीक्षक माघ मेला नीरज कुमार पाण्डेय के निर्देशो के क्रम में अपर पुलिस अधीक्षक माघ मेला प्रवीण कुमार द्वारा संगम एवं परेड जोन के समस्त क्षेत्राधिकारी एवं थाना प्रभारियो के साथ एक गोष्ठी आयोजित की गई।गोष्ठी के दौरान थाना संगम, महावीर अक्षयवट कोतवाली परेड एम.जी.मार्ग एवं जल पुलिस थाना क्षेत्रों के थाना प्रभारी चौकी प्रभारी एवं पुलिस कर्मियो से विस्तारपूर्वक वार्ता की गई।इस अवसर पर उपस्थित हेड कांस्टेबल एवं कांस्टेबलों से उनकी ड्यूटी ड्यूटी प्वाइंट तथा सम्बंधित प्रवेश एवं निकास मार्गो के संबंध में जानकारी प्राप्त की गई।

अपर पुलिस अधीक्षक माघ मेला द्वारा अवगत कराया गया कि मेला क्षेत्र में कल्पवासियों का आगमन हो चुका है,अतः सभी थाना प्रभारी यह सुनिश्चित करें कि कल्पवासियों एवं श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की असुविधा का सामना न करना पड़े।उन्होंने मेला क्षेत्र में निरंतर सघन चेकिंग आवागमन मार्गो को अतिक्रमण-मुक्त बनाए रखने वाहनों को निकटतम निर्धारित पार्किंग स्थलो में पार्क कराए जाने तथा संदिग्ध व्यक्तियो एवं वस्तुओं पर सतत निगरानी रखने के निर्देश दिए।

उन्होंने यह भी निर्देशित किया कि मेला क्षेत्र में ड्यूटी पर तैनात सभी पुलिसकर्मी पूर्ण सतर्कता एवं सजगता के साथ मानवीय व्यवहार अपनाते हुए श्रद्धालुओ एवं कल्पवासियो के प्रति उच्च कोटि के सेवा भाव के साथ अपने कर्तव्यों का निर्वहन करे।इस गोष्ठी में अपर पुलिस उपायुक्त नगर नोडल अधिकारी माघ मेला विजय आनन्द सम्बंधित क्षेत्राधिकारीगण थाना प्रभारी एवं चौकी प्रभारीगण उपस्थित रहे।

बहार ए हुनर का सफल आयोजन सम्पन्न।

संजय द्विवेदी प्रयागराज।खानम आर्ट गैलरी द्वारा आयोजित "बहार ए हुनर" का सफल आयोजन आज सम्पन्न हुआ।इस दो दिवसीय कार्यक्रम का उद्घाटन खानम आर्ट गैलरी की डायरेक्टर डॉ ज़ाहेदा खानम ने किया।इस अवसर पर विशिष्ट अतिथियों में डॉ सबिहा प्रो.हमीदिया डिग्री कॉलेज राज्य ललित कला अकादमी उत्तर प्रदेश संस्कृत विभाग के सुप्रसिद्ध कलाकार रवीन्द्र कुशवाहा एमिनेंट आर्टिस्ट तलत महमूद स्टॉल होल्डर शाज़िया रहमान दिशा अज़ीज़ा बुशरा फातिमा कमाल रोमा ताजवार राजकुमारी डॉ गज़ाला डॉ.सारा मिसेज कादरी शामिल थे जिन्हें गैलरी ने बुके और मेडल देकर सम्मानित किया।इसके अलावा डॉ सुभिया करीम अंसारी मिसेज कुशवाहा मिसेज तलत भी उपस्थित थी।कार्यक्रम में आर्ट्स एंड क्राफ्ट्स की शॉप और हैण्डमेड मटेरियल की प्रदर्शनी लगाई गई थी जिसे शहर के गणमान्य व्यक्तियो ने सराहा और भारी खरीदारी की। कार्यक्रम में चार प्रतियोगिताएं आयोजित की गई -आर्ट प्रतियोगिता मेहन्दी प्रतियोगिता सिलाई कढ़ाई प्रतियोगिता और मास्टरशेफ प्रतियोगिता। बेस्ट सेलिंग अवॉर्ड सुनहरी बुटिक को मिल।अतिथियो ने प्रतियोगिता के कलाकारों को प्रमाण पत्र व मेडल से सम्मानित किया।

गुरुजी की जयंती पर शिक्षा का उजियारा: मुख्यमंत्री ने स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड के तहत बांटे 12 करोड़ के ऋण पत्र।

रांची: मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने रविवार को दिशोम गुरु शिबू सोरेन की 82वीं जयंती के मौके पर राज्य के नौजवानों के साथ सीधा संवाद किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि बाबा (शिबू सोरेन) भले ही आज शारीरिक रूप से हमारे बीच नहीं हैं, लेकिन उनके संघर्ष और विचार झारखंड के हर गरीब, मजदूर और किसान के लिए मार्गदर्शक बने रहेंगे।

शिक्षा ऋण में झारखंड अव्वल मुख्यमंत्री ने गर्व के साथ बताया कि झारखंड देश का एकमात्र राज्य है जो गुरुजी स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना के माध्यम से मात्र 4% के मामूली ब्याज पर 15 लाख रुपये तक का लोन दे रहा है। उन्होंने कहा कि अब आर्थिक तंगी किसी भी बच्चे की पढ़ाई में बाधा नहीं बनेगी।

रोजगार नहीं, 'अव्वल' बनाने की तैयारी नौजवानों को संबोधित करते हुए सीएम ने कहा, "हम आपको सिर्फ सरकारी नौकरियों के भरोसे नहीं छोड़ना चाहते। हम आपको इस काबिल बनाना चाहते हैं कि आप दुनिया की किसी भी प्रतिस्पर्धा में खड़े होकर खुद को अव्वल साबित कर सकें।"

मुख्यमंत्री द्वारा दी गई प्रमुख सौगातें

योजना/सौगात मुख्य विवरण

गुरुजी स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड 55 लाभार्थियों को ₹12 करोड़ का ऋण स्वीकृति पत्र। अब तक 2430 छात्र लाभान्वित।

सीएम फैलोशिप योजना 23 रिसर्च स्कॉलर्स को ₹25-25 हजार की स्कॉलरशिप राशि प्रदान की गई।

ग्रास रूट इनोवेशन इंटर्नशिप स्नातक/स्नातकोत्तर के विद्यार्थियों हेतु 17,000 इंटर्नशिप के अवसर और ₹10,000 स्टाइपेंड।

डिजिटल डैशबोर्ड और चैटबोट योजनाओं की जानकारी और सहभागिता बढ़ाने हेतु एआई (AI) आधारित तकनीक का शुभारंभ।

मास्टर सोबरेन मांझी पुस्तकालय बोकारो में अत्याधुनिक पुस्तकालय और गुरुजी रात्रि पाठशाला की शुरुआत।

नवाचार: विलेज नॉलेज रजिस्टर (Village Knowledge Register)

मुख्यमंत्री ने "द ग्रास रूट इनोवेशन इंटर्नशिप स्कीम" की शुरुआत की। इसके तहत 4-4 विद्यार्थियों की टीम राज्य की 4345 पंचायतों में जाएगी। ये विद्यार्थी स्थानीय नवाचार (Innovation), पारंपरिक ज्ञान और हस्तकला की पहचान कर उसे डिजिटल 'विलेज नॉलेज रजिस्टर' में दर्ज करेंगे, ताकि झारखंड की धरोहर को सुरक्षित रखा जा सके।

दिशोम गुरु शिबू सोरेन की 82वीं जयंती: मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने गुरुजी के चित्र पर पुष्प अर्पित कर किया नमन।

रांची: झारखंड आंदोलन के प्रणेता, आदिवासियों के मसीहा और झारखंड मुक्ति मोर्चा के संस्थापक दिशोम गुरु शिबू सोरेन की 82वीं जयंती रविवार को पूरे राज्य में हर्षोल्लास के साथ मनाई गई। मुख्य कार्यक्रम रांची के मोरहाबादी स्थित उनके पूर्व आवास पर आयोजित हुआ, जहाँ मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने श्रद्धा सुमन अर्पित कर अपने पिता के योगदान को याद किया।

परिवार और जनप्रतिनिधियों की गरिमामयी उपस्थिति मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन के साथ उनकी माता श्रीमती रूपी सोरेन, विधायक श्रीमती कल्पना सोरेन और परिवार के अन्य सदस्यों ने गुरुजी की तस्वीर पर पुष्प अर्पित किए। इस दौरान वातावरण 'गुरुजी जिंदाबाद' के नारों से गूँज उठा। मौके पर उपस्थित सभी लोगों ने गुरुजी के व्यक्तित्व और झारखंड निर्माण के लिए उनके द्वारा किए गए दशकों लंबे संघर्ष को नमन किया।

नेताओं और कार्यकर्ताओं का लगा जमावड़ा इस गौरवशाली अवसर पर राज्य के मंत्री श्री हफ़ीजुल हसन, श्री सुदिव्य कुमार, राज्यसभा सांसद श्रीमती जोबा माजी, झामुमो के वरिष्ठ नेता श्री विनोद पांडे और श्री सुप्रियो भट्टाचार्य सहित भारी संख्या में जनप्रतिनिधि और कार्यकर्ता मोरहाबादी पहुँचे। सभी ने एक स्वर में झारखंड की प्रगति और जल-जंगल-जमीन की रक्षा के संकल्प को दोहराया।

प्रगति के सपनों को साकार करने का संकल्प मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर कहा कि गुरुजी की विचारधारा और उनका संघर्ष आज भी हमें राज्य की सेवा के लिए प्रेरित करता है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से अपील की कि वे समाज के अंतिम व्यक्ति तक विकास पहुँचाने के गुरुजी के सपने को धरातल पर उतारने के लिए निरंतर कार्य करें।

Homeo Doctor in Hyderabad for Piles – Natural Healing with Safe and Long-Lasting Homeopathy Care

Consult a trusted homeo doctor in Hyderabad for piles. Get natural, gentle and long-term relief with expert homeopathy treatment.

Introduction: Piles and Its Effect on Your Daily Life

Piles, medically known as hemorrhoids, are swollen and inflamed veins in the anal and rectal region. This condition often leads to pain, itching, bleeding, swelling, and discomfort during bowel movements. Due to changing lifestyle habits, irregular food intake, lack of exercise, and stress, piles have become a common health problem among people of all age groups.

Many individuals ignore piles in the early stages, which can lead to worsening symptoms and complications. If you are looking for a reliable homeo doctor in Hyderabad for piles, homeopathy offers a natural and safe treatment approach that focuses on complete and long-term healing.

Common Symptoms of Piles

Piles can cause a variety of uncomfortable symptoms such as:

  • Pain while passing stools
  • Bleeding during bowel movements
  • Burning and itching sensation in the anal area
  • Swelling or lump near the anus
  • Difficulty sitting comfortably
  • Feeling of incomplete bowel evacuation

These symptoms can affect work, travel, and overall quality of life.

Causes of Piles

The main causes of piles include:

  • Chronic constipation or diarrhea
  • Excessive straining during bowel movements
  • Low-fiber diet
  • Inadequate water intake
  • Prolonged sitting
  • Obesity
  • Pregnancy
  • Sedentary lifestyle

In cities like Hyderabad, long working hours and unhealthy eating habits significantly increase the risk of piles.

Homeopathy Treatment for Piles

Consulting an experienced homeo doctor in Hyderabad helps manage piles naturally and effectively. Homeopathy works by improving digestion, regulating bowel movements, and strengthening rectal veins, which helps reduce swelling and discomfort.

Benefits of Homeopathy for Piles

  • Treats the root cause of piles
  • Reduces pain, swelling, and bleeding
  • Improves bowel regularity
  • Prevents recurrence
  • Safe and gentle treatment
  • Suitable for long-term use

A skilled homeo doctor in Hyderabad creates a personalized treatment plan based on your symptoms, lifestyle, and overall health condition.

Lifestyle Support with Homeopathy

Along with treatment, a homeo doctor in Hyderabad also advises lifestyle improvements such as:

  • Eating fiber-rich foods
  • Drinking plenty of water
  • Regular physical activity
  • Avoiding spicy and junk food
  • Maintaining healthy bowel habits

This combined approach ensures faster healing and long-term prevention of piles.

Spiritual Homeopathy – Trusted Piles Care in Hyderabad

Spiritual Homeopathy is a reputed clinic offering natural and effective homeopathy treatment for piles in Hyderabad. The clinic is known for its experienced doctors, patient-friendly care, and holistic healing approach.

Patients receive personalized attention and complete guidance to achieve lasting relief from piles. Spiritual Homeopathy is a preferred choice for people searching for a dependable homeo doctor in Hyderabad.

Conclusion

Piles can be painful and uncomfortable if left untreated. Early diagnosis and homeopathy treatment can prevent complications and provide long-term relief. Homeopathy offers a safe, natural, and non-invasive solution for piles.

If you are looking for an experienced homeo doctor in Hyderabad for piles, choosing the right homeopathy clinic can help you regain comfort and confidence in your daily life.

Call to Action

Take the first step towards natural healing and lasting relief from piles.

झारखंड में मतदाता सूची मैपिंग का 70% कार्य पूरा: मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने शहरी क्षेत्रों में प्राथमिकता देने का दिया निर्देश।

रांची: झारखंड के मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी (CEO) श्री के. रवि कुमार ने शनिवार को निर्वाचन सदन में राज्य के सभी जिलों के जिला निर्वाचन पदाधिकारियों, ईआरओ (ERO) और एईआरओ (AERO) के साथ वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक की। बैठक में उन्होंने स्पष्ट किया कि राज्य का लक्ष्य "एक भी पात्र भारतीय नागरिक मतदाता सूची से वंचित न रहे" को सुनिश्चित करना है।

मैपिंग और डिजिटलीकरण पर जोर मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने बताया कि विगत गहन पुनरीक्षण की मतदाता सूची से वर्तमान सूची की मैपिंग का 70% कार्य पूर्ण कर लिया गया है। उन्होंने शहरी क्षेत्रों में इस कार्य को प्राथमिकता के आधार पर करने और सरकारी कार्यालयों में कैंप लगाकर कर्मियों को प्रशिक्षित करने का निर्देश दिया। साथ ही, एब्सेंट, शिफ्टेड, डेथ और डुप्लीकेट (ASDD) सूचियों के डिजिटलीकरण की प्रक्रिया तेज करने को कहा ताकि पुनरीक्षण के समय कोई त्रुटि न रहे।

बीएलओ (BLO) की जानकारी अब सार्वजनिक होगी मतदाताओं की सुविधा के लिए विभाग ने विशेष स्टीकर जारी किए हैं। इन स्टीकरों पर संबंधित बीएलओ का नाम, मोबाइल नंबर, मतदान केंद्र संख्या और विधानसभा क्षेत्र की जानकारी होगी। ये स्टीकर मतदान केंद्र क्षेत्रों में प्रमुख स्थानों पर लगाए जाएंगे ताकि आम नागरिक आसानी से अपने बीएलओ से संपर्क कर सकें।

वोटर आईडी की गुणवत्ता और प्रशिक्षण के. रवि कुमार ने मतदाता पहचान पत्र (Voter ID) की गुणवत्ता सुधारने पर बल देते हुए कहा कि बीएलओ को मोबाइल के जरिए अच्छी फोटो खींचकर बीएलओ ऐप में अपडेट करने का प्रशिक्षण दिया जाए। इसके अलावा, 28 जनवरी से 6 फरवरी के बीच सभी मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के बूथ लेवल एजेंट-2 (BLA-2) का प्रशिक्षण सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया ताकि पुनरीक्षण के दौरान बेहतर समन्वय बना रहे।

दस्तावेज़ सत्यापन (Document Verification) अन्य राज्यों से आने वाले डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन के मामलों पर सीईओ ने सख्त निर्देश देते हुए कहा कि संबंधित राज्यों से आए दस्तावेजों का सत्यापन उसी दिन किया जाए। इसके लिए अवकाश के दिनों में भी रोस्टर ड्यूटी लगाने का सुझाव दिया गया ताकि प्रक्रिया में देरी न हो और गलत दस्तावेजों पर त्वरित कार्रवाई की जा सके।