एनआईसी में संचार और डेटा संरक्षण से अवगत हुए साई कॉलेज के विद्यार्थी
अम्बिकापुर- श्री साई बाबा आदर्श स्नातकोत्तर महाविद्यालय के बीसीए द्वितीय सेमेस्टर एवं एम.एससी. द्वितीय सेमेस्टर के विद्यार्थियों ने सोशल स्किल आउटरीच के तहत नेशनल इन्फार्मेटिक सेन्टर का शैक्षिक भ्रमण किया। इस दौरान विद्याथियों ने सूचना प्रौद्योगिकी, ई-गवर्नेंस एवं सरकारी डिजिटल सेवाओं की कार्यप्रणाली से अवगत हुए तथा व्यावहारिक एवं तकनीकी दक्षता हासिल किये।
विद्यार्थियों ने एनआईसी के वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग रूम, सर्वर रूम एवं डाटा सेंटर रूम की गतिविधियों को देखा। वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग रूम में विद्यार्थियों को सरकारी विभागों में उपयोग होने वाली आधुनिक डिजिटल संचार प्रणाली के बारे में जानकारी दी गई। गरियाबंद के जिला सूचना विज्ञान अधिकारी नेहरू लाल निराला से लाइव वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग सत्र के माध्यम से संवाद किया। इस दौरान विद्यार्थियों को इंटर-डिस्ट्रिक्ट डिजिटल कम्युनिकेशन एवं ई-गवर्नेंस प्रणाली की वास्तविक कार्यप्रणाली समझने का अवसर मिला।
साइंटिस्ट-डी एवं जिला सूचना विज्ञान अधिकारी जि़याउर रहमान ने विद्यार्थियों को एनआईसी की कार्यप्रणाली, ई-गवर्नेंस सेवायें, नेटवर्किंग, साइबर सुरक्षा, सर्वर प्रबंधन एवं सरकारी डिजिटल प्लेटफॉर्म्स के बारे में बताया।
सहायक जिला सूचना विज्ञान अधिकारी अभिलेख चंद्राकर, नेटवर्क इंजीनियर शैलेन्द्र कुशवाहा, नवेद अंसारी ने विद्यार्थियों को सर्वर प्रबंधन, नेटवर्किंग इंफ्रास्ट्रक्चर, डाटा स्टोरेज, डाटा बैकअप एवं साइबर सुरक्षा प्रणाली का प्रदर्शन कर व्यावहारिक जानकारी दी।
शैक्षिक भ्रमण का नेतृत्व कम्प्यूटर एंड आईटी विभागाध्यक्ष डॉ. विवेक कुमार गुप्ता ने किया तथा राहुल कुंडू ने सहयोग किया।






संजीव सिंह बलिया। चारबाग स्थित अम्बर होटल में सृजन अंतरराष्ट्रीय कला साहित्य संस्कृति, अयोध्या द्वारा आयोजित “अंतरराष्ट्रीय शैक्षिक संगम, लखनऊ” के अंतर्गत पुस्तक लोकार्पण, शैक्षिक संगोष्ठी एवं सम्मान समारोह का भव्य आयोजन हुआ।कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश सहित विभिन्न राज्यों के 220 से अधिक शिक्षकों, साहित्यकारों, लेखकों एवं सामाजिक संस्थाओं को शिक्षा, साहित्य, समाजसेवा तथा विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट योगदान के लिए सम्मानित किया गया। मुख्य अतिथियों में सदस्य उत्तर प्रदेश संगीत नाटक अकादमी डॉ. मदन मोहन लाल, लखनऊ विश्वविद्यालय की डॉ. खुशबू वर्मा, लाइफ साइनिफाई फाउंडर रविशंकर, इग्नू के क्षेत्रीय निदेशक डॉ. जयप्रकाश वर्मा, राज्य विधि अधिकारी उच्च न्यायालय लखनऊ प्रदीप कुमार गुप्ता एवं राज्य सूचना आयुक्त उत्तर प्रदेश स्वतंत्र प्रकाश गुप्ता शामिल रहे।“हिन्दी हमारी पहचान”, “स्वावलंबन”, “सतत संरक्षण, हमारा प्रयास” एवं “काव्य किरण” जैसी पुस्तकों का लोकार्पण किया गया। शैक्षिक संगोष्ठी में हिंदी भाषा के महत्व तथा शिक्षा में AI तकनीक के प्रयोग एवं उसके प्रभाव पर विस्तृत चर्चा हुई।सम्मान समारोह में जनपद बलिया के शिक्षक एवं साहित्य प्रेमी श्री नन्द लाल शर्मा, प्रसिद्ध साहित्यकार विंध्याचल सिंह ‘बुढऊ’, पूर्व महिला शिक्षक संघ अध्यक्ष रंजना पाण्डेय एवं माया राय को प्रशस्ति पत्र एवं स्मृति चिन्ह प्रदान कर सम्मानित किया गया।वक्ताओं ने कहा कि शिक्षा, ज्ञान और संस्कृति का संवर्धन ही सशक्त समाज की आधारशिला है तथा हिंदी भाषा एवं आधुनिक तकनीक का समन्वय शिक्षा में नई संभावनाएं खोलेगा। संयोजक श्री मनीष देव को सभी ने सफल आयोजन के लिए बधाई दी।
संजीव सिंह बलिया। पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी के निजी सहायक (पीए) चंद्रनाथ रथ की हत्या के मामले में बंगाल पुलिस की एसटीएफ को बड़ी कामयाबी मिली है। पुलिस ने उत्तर प्रदेश और बिहार से तीन बदमाशों को गिरफ्तार किया है, जिनमें बलिया का राज सिंह और बिहार के बक्सर का हिस्ट्रीशीटर विशाल श्रीवास्तव शामिल हैं। तीसरा आरोपी मयंक अयोध्या से पकड़ा गया। पश्चिम बंगाल पुलिस जल्द ही प्रेस कॉन्फ्रेंस में मामले का पूरा खुलासा करेगी।बिहार के बक्सर से हिस्ट्रीशीटर विशाल श्रीवास्तव गिरफ्तारबिहार के बक्सर जिले के पांडे पट्टी गांव से विशाल श्रीवास्तव को बिहार पुलिस के सहयोग से हिरासत में लिया गया। उसके खिलाफ 15 से अधिक आपराधिक मामले दर्ज हैं, जिनमें हत्या, लूट और डकैती शामिल हैं। बंगाल एसटीएफ ने उसे कोलकाता ले जाकर पूछताछ शुरू कर दी है।बलिया के राज सिंह और मयंक अयोध्या से धर दबोचेराज सिंह (बलिया निवासी): बहादुरपुर का रहने वाला राज सिंह बक्सर में रहता था। वारदात के बाद वह अयोध्या में छिपा हुआ था। कोलकाता और अयोध्या पुलिस के संयुक्त अभियान में उसे गिरफ्तार किया गया। पुलिस के अनुसार, राज सिंह ने पहले बलिया में एक विकलांग अंडा विक्रेता की हत्या की थी और इस हत्याकांड की साजिश में शामिल था।मयंक: यूपी से गिरफ्तार तीसरा आरोपी, जो हत्या में संलिप्त था।हत्या का खुलासा: UPI पेमेंट और CCTV से मिले सुराग6 मई की रात 24 परगना जिले में चंद्रनाथ रथ की गोली मारकर निर्मम हत्या कर दी गई थी। जांच में हावड़ा टोल प्लाजा पर हमलावरों द्वारा किया गया UPI भुगतान अहम सुराग बना। इससे एक संदिग्ध का मोबाइल नंबर पकड़ा गया। टोल प्लाजा के सीसीटीवी में कार और सवारों की तस्वीरें कैद हुईं।हमलावरों ने रथ की एसयूवी को सिल्वर कार से रोका, फिर दोपहिया वाहनों से गोलियां चलाईं। भागते हुए उन्होंने कार छोड़ दी और लाल कार व मोटरसाइकिल पर फरार हो गए। पुलिस ने घटनास्थल के पास एक और बारासात में दूसरी मोटरसाइकिल बरामद की। हथियार के रूप में ऑस्ट्रिया निर्मित ग्लॉक 47 एक्स पिस्तौल का इस्तेमाल हुआ, जो खुफिया एजेंसियों के लिए चिंता का विषय है।सीआईडी और एसटीएफ की संयुक्त एसआईटी मामले की जांच कर रही है। प्रेस कॉन्फ्रेंस में यह स्पष्ट होगा कि आरोपियों ने खुद गोली चलाई या शूटर हायर किया।

सिद्धेश्वर पाण्डेय
सिद्धेश्वर पाण्डेय
सुल्तानपुर की जयसिंहपुर पुलिस ने सोमवार को चोरी की योजना बनाते हुए स्कॉर्पियो सवार चार युवकों को गिरफ्तार किया है। तलाशी के दौरान गाड़ी से एक तमंचा, एक कारतूस और दो फर्जी नंबर प्लेट बरामद हुए। गिरफ्तार किए गए सभी आरोपी गोरखपुर के निवासी हैं।
गिरफ्तार करने वाली टीम में उपनिरीक्षक सुबोध त्यागी, दिनेश चंद्र, प्रेमनारायण राजपूत, हेड कांस्टेबल अमित सिंह और कांस्टेबल कृष्ण कुमार चौरासिया व अयोध्या शाह शामिल थे। आरोपियों के आपराधिक इतिहास का भी खुलासा हुआ है। शिवनाथ के खिलाफ गोला और खजनी थानों में 279/304A, 188/270 भादवि और 60 यूपी उत्पाद शुल्क अधिनियम सहित तीन मामले दर्ज हैं। नवनीत यादव के खिलाफ गीडा थाने में 115(2), 351, 352 BNS धाराओं के तहत एक मामला दर्ज है।
संस्कृति विभाग में पंजीकृत कलाकार द्वारा भाव विभोर कर देने वाले सांस्कृतिक कार्यक्रमों का किया गया सुन्दर प्रस्तुतीकरण

नितेश श्रीवास्तव

2 hours and 5 min ago
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