नहीं रहीं दिग्गज गायिका आशा भोसले, 92 वर्ष की आयु में निधन

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भारतीय संगीत जगत की दिग्गज गायिका आशा भोसले का रविवार को निधन हो गया। उन्होंने 92 साल की उम्र में मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में आखिरी सांस ली। उन्हें थकान और सीने में संक्रमण के कारण अस्पताल में भर्ती कराया गया था। 

शनिवार को अस्पताल में कराया गया था भर्ती

करीब सात दशक तक सिनेमाई दुनिया में अपनी सुरीली आवाज का जादू चलाने वाली गायिका को कल शनिवार को तबीयत खराब होने के चलते अस्पताल में भर्ती कराया गया था। दुनियाभर के फैंस दुआएं कर रहे थे। मगर, रविवार को गायिका ने दुनिया को अलविदा कह दिया। 

गायिका की पोती जनाई ने दी थी हेल्थ अपडेट

गायिका की पोती जनाई भोसले ने इंस्टाग्राम पोस्ट के जरिए उनका हेल्थ अपडेट साझा करते हुए लिखा था, ‘अत्यधिक थकावट और सीने में संक्रमण के कारण उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है। हम आपसे अनुरोध करते हैं कि हमारी निजता का सम्मान करें। उनका इलाज चल रहा है और उम्मीद है कि सब कुछ ठीक हो जाएगा'।

कल होगा अंतिम संस्कार

आशा भोसले का अंतिम संस्कार कल सोमवार को होगा। गायिका का पार्थिव शरीर सुबह 11 बजे लोअर परेल में उनके घर पर अंतिम दर्शन के लिए रखा जाएगा। शाम 4 बजे दादर के शिवाजी पार्क में उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा। यही वही जगह है, जहां उनकी बहन लता मंगेशकर का भी अंतिम संस्कार हुआ था। 

संगीत का एक विशाल अध्याय

आशा भोसले महज एक गायिका नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति का एक हिस्सा थीं। उन्होंने अपने करियर में 12 हजार से भी ज्यादा गाने रिकॉर्ड किए। 'दम मारो दम', 'पिया तू अब तो आजा', 'चुरा लिया है तुमने जो दिल को' और 'इन आंखों की मस्ती के' जैसे उनके हजारों गाने आज भी लोगों की जुबान पर चढ़े हुए हैं। उन्होंने गजल, भजन, पॉप और शास्त्रीय संगीत—हर शैली में महारत हासिल की थी।

कई सर्वोच्च सम्मानों ने नवाजा गया

भारत सरकार ने उन्हें 'दादासाहेब फाल्के' और 'पद्म विभूषण' जैसे सर्वोच्च सम्मानों से नवाजा था। अपनी बड़ी बहन लता मंगेशकर के बाद आशा जी का जाना संगीत प्रेमियों के लिए एक ऐसा खालीपन छोड़ गया है, जिसे कभी भरा नहीं जा सकेगा। आज हर उस शख्स की आंख नम है, जिसने कभी न कभी आशा जी की आवाज में प्यार, दर्द या खुशी को महसूस किया है।

विकास भवन में लगी आग,महत्वपूर्ण अभिलेख खाक,आग लगने के कारणों का स्पष्ट पता नहीं चल सका:संदेह*
सुल्तानपुर,

विकास भवन में लगी आग,महत्वपूर्ण अभिलेख खाक।

जिला मुख्यालय स्थित विकास भवन में रविवार दोपहर अचानक आग लगने से अफरा-तफरी मच गई।

आग जिला प्रोबेशन अधिकारी के कक्ष संख्या-17 में लगी,जहां कुछ ही देर में लपटों ने विकराल रूप ले लिया।

आग की चपेट में आकर कक्ष में रखे महत्वपूर्ण अभिलेख और फाइलें जलकर राख हो गईं।

मौके पर मौजूद कर्मचारियों ने तत्काल प्रयास करते हुए कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया।

हालांकि,आग लगने के कारणों का अभी तक स्पष्ट पता नहीं चल सका है।

घटना के बाद प्रशासनिक अमले में हड़कंप मचा हुआ है।
व्यापार संघ प्रतिनिधिमंडल ने थाना प्रभारी से की मुलाकात, अपराध उन्मूलन का मिला भरोसा
मेरठ/बहसूमा, 12 अप्रैल। संयुक्त व्यापार संघ के पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने रविवार को थाना बहसूमा में थाना प्रभारी रविंद्र कुमार से शिष्टाचार भेंट की। इस दौरान थाना प्रभारी ने व्यापारियों को आश्वस्त करते हुए कहा कि किसी भी बेगुनाह को परेशान नहीं किया जाएगा और थाना परिसर के दरवाजे 24 घंटे आम जनता के लिए खुले हैं।

थाना प्रभारी रविंद्र कुमार ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि व्यापारी वर्ग निडर होकर अपने कार्य करें, प्रशासन हर परिस्थिति में उनके साथ खड़ा है। उन्होंने यह भी भरोसा दिलाया कि क्षेत्र से अपराध को जड़ से समाप्त करने के लिए सख्त कदम उठाए जाएंगे।

बैठक के दौरान व्यापार संघ के पदाधिकारियों ने भी कानून-व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस का सहयोग करने का संकल्प लिया। उन्होंने क्षेत्र में शांति एवं सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए हर संभव सहयोग देने की बात कही।

इस अवसर पर व्यापार संघ के अध्यक्ष अमन गोयल, महामंत्री विपुल गोयल, संगठन मंत्री अमित गोयल, कोषाध्यक्ष पीयूष सिंघल, संरक्षक प्रमोद गर्ग, वीरेंद्र चौधरी, उपाध्यक्ष निशु उर्फ राजा रस्तोगी,  डॉ. उदयवीर, दीपक, राहुल खुराना, सोनू उपाध्याय सहित अन्य गणमान्य सदस्य उपस्थित रहे।
पुलिस प्रशासन का अमानवीय चेहरा अनाथ बच्ची को कौन देगा सहारा कैसे मिलेगा न्याय
रितेश मिश्रा

हरदोई।   पुलिस प्रशासन की छवि सुधारने के लिए भले ही IPS और IAS अधिकारी मॉनिटरिंग कर दिशानिर्देश देते रहते हो और जनता को निडर और निर्भीक बनाने और पुलिस की साफ़ स्वच्छ तस्वीरें बनाने की बात करते हो लेकिन हरदोई देहात कोतवाली की पुलिस सब की उम्मीदो पर कीचड़ उछालती नज़र आ रही हैं।दिनांक 8/3/०26को कुछ लोगों ने 14 वर्षीय एक गांव निवासी लड़की के साथ मारपीट कर छेड़छाड़ की तो उस लड़की ने कोतवाली देहात में शिकायत दर्ज करा दी।

14 वर्षीय मासूम बच्ची अपनी तीन दो बहन और एक भाई से बड़ी है। पहले पिता की कैंसर से मृत्यु उसके बाद किचन में सिलेंडर लीक होने की बजह से लगभग एक माह पूर्व आग जनी से हुई मौत के सदमे से बाहर भी नहीं निकल पाई थी कि गांव के कुछ अवैध शराब विक्रेता व अराजकतत्वों ने यह हमला बोल दिया था।जिसकी शिकायत बच्ची ने कोतवाली में दर्ज कराई दबंगों के हौसले इस प्रकार बुलंद थे । कि जैसे ही वह अपनी बुआ के साथ घर वापस पहुंची । दबंगों ने फिर हमला बोल दिया।जिसकी शिकायत पुनः फोन द्वारा पुलिस प्रशासन को दी गई। लेकिन गम्भीर प्रकरण को भी पुलिस द्वारा गंभीरता से नहीं लिया गया और गुलामऊ चौकी बुलाया गया जहां एक भाजपा नेता की पैरवी और पैसों की चमक के आगे पुलिस अपनी मानवता ही खो बैठी लेकिन दबंगों का आक्रामक रवैया जारी है।

दिनांक 10 3 2026 को दबंगों द्वारा एक महिला पर आक्रामक होकर लाठी डंडों व धारदार हथियार से लैस होकर हमला बोल दिया जिसकी भी शिकायत थाना कोतवाली देहात में दर्ज करा दी गई है लेकिन धनबल और बाहुबल राजनीति संरक्षण के चलते अभी तक ना ही कोई कार्यवाही की गई और ना ही FIR दर्ज की गई है। उल्टा दबंगों द्वारा पुलिस प्रशासन ने प्रार्थना पत्र लेकर पीड़िता के परिजनों को ही निशाने पर ले लिया और पूर्व में लगी चोटों का मेडिकल परीक्षण कराकर झूठे मुकदमे में जेल भेजने की तैयारी कर रही है।

इस प्रकरण में थाना कोतवाली प्रभारी हरिनाथ यादव ने बताया कि हमने दोषियों को पकड़वाने के लिए कहा है डरा धमका देंगे लेकिन बाद में जानकारी मिली कि पीड़िता के ही सहयोगियों को पुलिस डरा धमका कर पकड़ रही है और प्रेसर में लेकर कार्यवाही ना करके सुलह समझौता की रणनीति तैयार कर रही है। ऐसी स्थिति में क्या इन असहाय निराश्रित अनाथ बच्चों को न्याय मिलेगा या पुलिस प्रशासन के इस अमानवीय निंदनीय कृत्य को बढ़ावा मिलेगा
नगर पालिका अध्यक्ष ने बाबू सियाराम गुप्ता मार्ग के शिलापट्ट का लोकार्पण किया

हरदोई । हरदोई सुखसागर मिश्र मधुर अध्यक्ष नगर पालिका परिषद  ने वार्ड संख्या 25 में  बाबू सियाराम गुप्ता मार्ग के शिलापट्ट का लोकार्पण किया । उक्त मार्ग का प्रस्ताव समाजसेवी स्व. सियाराम गुप्ता के नाम से बोर्ड की मीटिंग में   शहर के धर्मशाला रोड स्तिथ फर्स्ट क्राई शोरूम के निकट  चौराहे से रफ़ी अहमद कॉलेज तक स्वीकृत किया गया । स्व. सियाराम गुप्ता जनपद के प्रमुख व्यवसायी एवं समाजसेवी थे । वह आजीवन रोटरी क्लब के पदाधिकारी एवं ईंट भट्ठा यूनियन के अध्यक्ष रहते हुए सक्रिय राजनीति से जुड़े रहे ।

स्व . बाबू श्रीशचंद्र अग्रवाल तथा स्व . बाबू मोहनलाल वर्मा से उनके निकटस्थ परिवारिक संबंध रहे । उन्होंने बतौर कांट्रेक्टर जनपद की बड़ी सरकारी इमारतों जैसे जिला कैन सोसाइटी कार्यालय , सी एस एन डिग्री कॉलेज, आई हॉस्पिटल , कई विद्यालयों आदि के निर्माण कार्यो को करवाया। सदैव जरूतमंदों की मदद करने में तत्पर रहे । धार्मिक कार्यो एवं आयोजनों को करने में विशेष रुचि रखते थे। उनके परिवारजन शहर के प्रमुख व्यवसायिक प्रतिष्ठानों को उनके नाम से सफलतापूर्वक संचालित कर रहे है ।

इस अवसर पर अधिशासी अधिकारी रामेन्द्र सिंह , ओम प्रकाश गुप्ता , उमेश चंद्र गुप्ता , सभासद मुन्ना नेता , नामित सभासद रीना गुप्ता, राम कुमार गुप्ता एडवोकेट ,वरिष्ठ भाजपा नेता इंद्रेश्वर नाथ गुप्ता , अतुल गुप्ता , कपिल गुप्ता , गौरव गुप्ता , सुयश वाजपेयी , गौतम गुप्ता , केशव गुप्ता आदि परिवार के लोग उपस्थित रहे ।
रामस्वरूप मेमोरियल विवि में अंतरराष्ट्रीय संगोष्ठी: डॉ. तेजस्कर पाण्डेय ने ‘प्रकृति–ब्रह्माण्ड समन्वय’ पर रखा दृष्टिकोण
‘यत् पिण्डे तत् ब्रह्माण्डे’ सिद्धांत के जरिए मानव, प्रकृति और ब्रह्माण्ड के गहरे संबंध को किया स्पष्ट

लखनऊ। श्री रामस्वरूप मेमोरियल विश्वविद्यालय में आयोजित अंतरराष्ट्रीय संगोष्ठी में ज्योतिष आचार्य डॉ. तेजस्कर पाण्डेय (उप सचिव एवं प्रभारी संयुक्त निबंधक, उत्तर प्रदेश सूचना आयोग, लखनऊ) ने “वैदिक चिंतन में प्रकृति–ब्रह्माण्ड समन्वय” विषय पर व्याख्यान प्रस्तुत किया। कार्यक्रम में देश-विदेश के विद्वानों, प्राध्यापकों, शोधार्थियों एवं विद्यार्थियों की उल्लेखनीय उपस्थिति रही।
अपने संबोधन में डॉ. पाण्डेय ने ‘ऋत’ सिद्धांत तथा “यत् पिण्डे तत् ब्रह्माण्डे” की अवधारणा के माध्यम से बताया कि मानव, प्रकृति और ब्रह्माण्ड एक समन्वित तंत्र हैं। उन्होंने कहा कि ग्रह-नक्षत्रों की गतियां केवल आकाशीय घटनाएं नहीं, बल्कि मानव जीवन के निर्णय, दिशा और मानसिक स्थिति से भी गहराई से जुड़ी होती हैं।
अपने शोध कार्य का उल्लेख करते हुए उन्होंने बताया कि उनका अध्ययन वैश्विक परिप्रेक्ष्य में ज्योतिषीय विश्वास-प्रणाली का विश्लेषण करता है, जिसमें तीन हजार से अधिक व्यक्तियों और पांच सौ ज्योतिषाचार्यों पर आधारित गुणात्मक व मात्रात्मक पद्धति अपनाई गई है। शोध के निष्कर्षों के अनुसार ज्योतिष आज भी एक जीवंत, अनुकूलनशील और प्रभावी प्रणाली के रूप में समाज में विद्यमान है, जो व्यक्ति को मार्गदर्शन, मानसिक संतुलन और सांस्कृतिक निरंतरता प्रदान करती है।
इस अवसर पर उन्होंने विश्वविद्यालय में वैदिक विज्ञान को पाठ्यक्रम में शामिल किए जाने पर प्रसन्नता व्यक्त की और कुलपति श्री तिवारी का आभार जताया। साथ ही उन्होंने ब्रह्माण्ड विज्ञान एवं ज्योतिष का पृथक विभाग स्थापित करने तथा ज्योतिषीय परामर्श केंद्र शुरू करने का सुझाव दिया, जिससे आमजन को प्रमाणित विशेषज्ञों से विश्वसनीय मार्गदर्शन मिल सके।
उन्होंने यह भी बताया कि लखनऊ विश्वविद्यालय, केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय तथा इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय के माध्यम से वैदिक ज्योतिष में स्नातकोत्तर स्तर की शिक्षा दी जा रही है, जो इस क्षेत्र के शैक्षणिक विकास में महत्वपूर्ण योगदान दे रही है।
अपने व्याख्यान के अंत में डॉ. पाण्डेय ने वैदिक ज्ञान को वर्तमान और भविष्य के मार्गदर्शक के रूप में अपनाने का आह्वान किया। संगोष्ठी में उपस्थित विद्वानों और प्रतिभागियों ने उनके व्याख्यान को उपयोगी, प्रेरणादायी और समसामयिक बताया।
48 घंटे अघोषित अंधेरे में आठ गांव की आबादी,तीन दिन से टूटकर गिरा पड़ा है एचटी लाइन तार

*चीफ ने पुलिस अधीक्षक से मांगी सुरक्षा

गोंडा।जिले में एचटी लाइन तार टूटने से अधिवक्ता व पत्रकार रंजीत तिवारी की हुई मौत के बाद से नगर कोतवाली क्षेत्र के पोर्टरगंज पथवलिया समेत आठ गावों में पिछले 48 घंटों से विद्युत आपूर्ति ठप है।जिससे लगभग 50 हजार की आबादी अंधेरे में रहने को मजबूर है।बिजली न होने के कारण इन गावों में पानी की टंकियां खाली हो गई हैं,तथा इनवर्टर व मोबाइल फोन डिस्चार्ज हो गये हैं।घरों के आवश्यक कार्य भी प्रभावित हो रहे हैं।रात के समय लोग बिना पंखे,कूलर या एसी के भीषण गर्मी में रहने को मजबूर हैं।बार बार बिजली विभाग के अधिकारियों कर्मचारियों से लोग शिकायत कर रहे हैं परन्तु कोई सुनने के लिए तैयार नहीं है।इस घटना के बाद स्थानीय लोगों में भारी गुस्सा है।बिजली विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों को ग्रामीणों के आक्रोश का डर सता रहा है,जिसके कारण वे अभी तक टूटे हुए तार को जोड़ने मौके पर नहीं पहुंचे हैं।स्थिति को देखते हुए बिजली विभाग के मुख्य अभियंता ने पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल को पत्र लिखकर सुरक्षा की मांग किया है।विभाग का कहना है कि सुरक्षा मिलने के बाद ही टूटे हुए तार को जोड़कर विद्युत आपूर्ति बहाल की जा सकेगी।मृतक अधिवक्ता व पत्रकार रंजीत तिवारी के भाई अमरजीत तिवारी ने कहा कि जबतक उनके घर के पास से 11 हजार की एचटी लाइन नहीं हटाई जाती है,तब तक वे तार को जोड़ने नहीं देंगे।उन्होंने नम आखों से कहा कि अब हम अपने परिवार के किसी सदस्य को खोना नहीं चाहते।अमरजीत ने बिजली विभाग पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए मुख्यमंत्री से संज्ञान लेने और कठोर कार्यवाही की मांग किया है।बताते चलें कि तीन दिन पहले तार टूटने से रंजीत तिवारी की मौत हो गई थी।
गैर इरादतन हत्या के धाराओं में मुकदमा दर्ज होने के बाद भी आरोपी बिजली विभाग के अधिकारियों की गिरफ्तारी नहीं
*48 घंटे बाद भी नहीं हुआ खुलासा

गोंडा।जिले के नगर कोतवाली में बिजली विभाग के मुख्य अभियंता सहित पांच अधिकारियों पर गैर इरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज होने के 48 घंटे बीत जाने के बावजूद अभी तक कोई कार्यवाही नहीं की गयी है।नगर कोतवाली पुलिस ने अभी तक किसी भी नामजद आरोपी को गिरफ्तार नहीं किया है और न ही गिरफ्तारी के लिए कोई ठोस कदम उठाए जा रहे हैं।आरोपियों की गिरफ्तारी न होने से पीड़ित परिजनों के अंदर अत्यधिक नाराजगी है।परिजनों का पुलिस पर आरोप है कि वह गिरफ्तारी के लिए कोई प्रयास नहीं कर रही है और न ही आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमों को लगाया गया है।मामले में जब नगर कोतवाल बिंदेश्वरी मणि त्रिपाठी से बात किया गया तो उन्होंने कहा कि वे गिरफ्तारी के संबंध में कुछ नहीं बता सकते और जो भी कार्यवाही होगी उसकी जानकारी दी जाएगी।विधि वेत्ताओं की मानें तो गैर इरादतन हत्या की धाराएं एक गंभीर संज्ञेय और गैर जमानतीय अपराध है।इसमें दस साल तक की कैद या आजीवन कारावास और जुर्माने का प्रावधान है।इतने गंभीर धाराओं में भी गिरफ्तारी न होने से जिला पुलिस प्रशासन पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं।मृतक अधिवक्ता व पत्रकार रंजीत तिवारी के परिजन बिजली विभाग के सभी पांचों अधिकारियों के खिलाफ तत्काल कार्यवाही व गिरफ्तारी की मांग कर रहे हैं।परिजनों का कहना है कि 48 घंटे बीत जाने के बाद भी पुलिस आरोपियों को गिरफ्तार क्यों नहीं कर पा रही है।पुलिस क्षेत्राधिकारी नगर आनंद राय ने बताया कि मुकदमा दर्ज होने के बाद नगर कोतवाली पुलिस सभी बिंदुओं पर जांच कर रही है।उन्होंने कहा कि जांच पूरी होने और साक्ष्य इकट्ठा होने के बाद ही गिरफ्तारी की जाएगी।क्षेत्राधिकारी नगर श्री राय ने आश्वासन दिया कि पुलिस टीम पूरी तरह से लगी हुई है और मृतक रंजीत तिवारी के परिजनों के साथ खड़ी है।
बारिश होने से गिरे ओले में किसानों की फसल हुई बर्बाद मुआवजा दे सरकार
ओम कुमार त्रिवेदी

हरदोई। शाहाबाद तहसील क्षेत्र में हुई भारी बारिश और ओलावृष्टि से किसानों की फसल को भारी नुकसान पहुंचा है। इसी को लेकर किसान नेता सत्यवीर सिंह ने मीडिया से बात करते हुए बताया है कि शाहाबाद क्षेत्र के कई गांवों में गेहूं ,सरसों, हरी सब्जी की फसल पूरी तरह बर्बाद हो गई है, जिससे किसानों के सामने जीवन यापन का बहुत बड़ा संकट खड़ा हो गया है।

उन्होंने कहा कि किसान अपनी समस्याओं को लेकर दर-दर भटकने को मजबूर हैं। अपना दर्द किससे वया करे मौके पर खाद भी नहीं मिलती गेंहू भी सरकारी रेट पर नहीं तौल पा रहा किसान को अधिकारियों के चक्कर लगाने पड़ते प्रशासन गांव पर चौपाल लगाने का वादा करता लेकिन सिर्फ कागजों पर जमीन पर कुछ नहीं ।

सत्यवीर सिंह ने सीधे शाहाबाद तहसील  प्रशासन से  मांग की क्षेत्र के सभी गांवों का तत्काल सर्वे कराया जाए और प्रभावित किसानों को उचित मुआवजा दिया जाए। साथ ही जिन किसानों की फसल पूरी तरह नष्ट हो गई है, उन्हें तत्काल आर्थिक सहायता प्रदान की जाय उन्होंने सरकार से मांग की कि किसानों को उच्च गुणवत्ता का खाद और बीज समय पर उपलब्ध कराया जाए।जिला अध्यक्ष सत्यवीर सिंह अनुसार ग्राम पंचायत गढेपुर आगापुर,सरदारनगर, वेहटा कोला ,नसीरपुर, कालागांडा,हंसुआ  सहित कई गांवों में फसलों को नुकसान पहुंचा जल्द सर्वे की जाये
एसपी ऑफिस घोटाला: वित्त मंत्री ने मुख्यमंत्री को लिखा पत्र, सीआईडी करेगी आपराधिक साजिश की जांच; रांची कोषागार में भी दस्तावेज खंगाले गए


बोकारो और हजारीबाग एसपी ऑफिस में करोड़ों की अवैध निकासी मामले की जांच वित्त विभाग की उच्चस्तरीय कमेटी करेगी। जांच कमेटी की अध्यक्षता आईएएस अधिकारी करेंगे, जबकि तकनीकी पहलुओं की जांच के लिए एजी ऑफिस के कोई वरीय अधिकारी को कमेटी में शामिल किया जाएगा।

वहीं, घोटाले में आपराधिक षड्यंत्रों व कर्मियों/अधिकारियों की संलिप्तता की जांच सीआईडी करेगी। मामले की गंभीरता को देखते हुए वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने जांच के लिए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को पत्र लिखा है, जिसमें मामले की समग्र जांच कराने का प्रस्ताव दिया है।

वित्त मंत्री ने प्रस्ताव में क्या लिखा

मुख्यमंत्री को दिए प्रस्ताव में वित्त मंत्री ने स्पष्ट कहा है कि बोकारो और हजारीबाग के साथ-साथ ऐसे अन्य संभावित मामलों की जांच के लिए भारतीय प्रशासनिक सेवा के अधिकारी की अध्यक्षता में जांच दल का गठन किया जा सकता है। इस अवैध निकासी में शामिल तकनीकी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए महालेखाकार कार्यालय (एजी ऑफिस) में पदस्थापित एक अनुभवी अधिकारी को दल का सदस्य नामित करने के लिए प्रधान महालेखाकार (पीएजी) से अनुरोध किया जा सकता है

सीआईडी को दी जा सकती है जांच

वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोन ने यह भी कहा कि बोकारो और हजारीबाग एसपी ऑफिस कार्यालय से अवैध निकासी और अन्य संभावित मामलों में आपराधिक षड्यंत्र एवं संलिप्तता को देखते हुए अबतक जो भी प्राथमिकी जिलों में दर्ज की गई है, सभी प्राथमिकी को सीआईडी को स्थानांतरित किए जाने के लिए उच्चस्तरीय निर्णय लिया जा सकता है।

रांची कोषागार में पुलिसकर्मियों के वेतन से जुड़े 3 साल के दस्तावेज खंगाले गए

रांची। हजारीबाग और बोकारो में पुलिसकर्मियों की संलिप्तता से कोषागार से करोड़ों की अवैध निकासी का मामला सामने आने के बाद अब रांची कोषागार की भी जांच शुरू कर दी गई है। अधिकारियों के अनुसार पहले चरण में पुलिसकर्मियों के पिछले तीन वर्षों के वेतन से संबंधित अभिलेखों की जांच शुरू की गई है। इसके बाद अन्य विभागों के भुगतान और निकासी की जांच होगी। अधिकारियों का कहना है कि यह जांच किसी भी संभावित गड़बड़ी के शक में चल रही है। शुरुआती जांच में कोई अनियमितता सामने नहीं आई है।

नहीं रहीं दिग्गज गायिका आशा भोसले, 92 वर्ष की आयु में निधन

#ashabhosledeathaftercardiac_arrest

भारतीय संगीत जगत की दिग्गज गायिका आशा भोसले का रविवार को निधन हो गया। उन्होंने 92 साल की उम्र में मुंबई के ब्रीच कैंडी अस्पताल में आखिरी सांस ली। उन्हें थकान और सीने में संक्रमण के कारण अस्पताल में भर्ती कराया गया था। 

शनिवार को अस्पताल में कराया गया था भर्ती

करीब सात दशक तक सिनेमाई दुनिया में अपनी सुरीली आवाज का जादू चलाने वाली गायिका को कल शनिवार को तबीयत खराब होने के चलते अस्पताल में भर्ती कराया गया था। दुनियाभर के फैंस दुआएं कर रहे थे। मगर, रविवार को गायिका ने दुनिया को अलविदा कह दिया। 

गायिका की पोती जनाई ने दी थी हेल्थ अपडेट

गायिका की पोती जनाई भोसले ने इंस्टाग्राम पोस्ट के जरिए उनका हेल्थ अपडेट साझा करते हुए लिखा था, ‘अत्यधिक थकावट और सीने में संक्रमण के कारण उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है। हम आपसे अनुरोध करते हैं कि हमारी निजता का सम्मान करें। उनका इलाज चल रहा है और उम्मीद है कि सब कुछ ठीक हो जाएगा'।

कल होगा अंतिम संस्कार

आशा भोसले का अंतिम संस्कार कल सोमवार को होगा। गायिका का पार्थिव शरीर सुबह 11 बजे लोअर परेल में उनके घर पर अंतिम दर्शन के लिए रखा जाएगा। शाम 4 बजे दादर के शिवाजी पार्क में उनका अंतिम संस्कार किया जाएगा। यही वही जगह है, जहां उनकी बहन लता मंगेशकर का भी अंतिम संस्कार हुआ था। 

संगीत का एक विशाल अध्याय

आशा भोसले महज एक गायिका नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति का एक हिस्सा थीं। उन्होंने अपने करियर में 12 हजार से भी ज्यादा गाने रिकॉर्ड किए। 'दम मारो दम', 'पिया तू अब तो आजा', 'चुरा लिया है तुमने जो दिल को' और 'इन आंखों की मस्ती के' जैसे उनके हजारों गाने आज भी लोगों की जुबान पर चढ़े हुए हैं। उन्होंने गजल, भजन, पॉप और शास्त्रीय संगीत—हर शैली में महारत हासिल की थी।

कई सर्वोच्च सम्मानों ने नवाजा गया

भारत सरकार ने उन्हें 'दादासाहेब फाल्के' और 'पद्म विभूषण' जैसे सर्वोच्च सम्मानों से नवाजा था। अपनी बड़ी बहन लता मंगेशकर के बाद आशा जी का जाना संगीत प्रेमियों के लिए एक ऐसा खालीपन छोड़ गया है, जिसे कभी भरा नहीं जा सकेगा। आज हर उस शख्स की आंख नम है, जिसने कभी न कभी आशा जी की आवाज में प्यार, दर्द या खुशी को महसूस किया है।

विकास भवन में लगी आग,महत्वपूर्ण अभिलेख खाक,आग लगने के कारणों का स्पष्ट पता नहीं चल सका:संदेह*
सुल्तानपुर,

विकास भवन में लगी आग,महत्वपूर्ण अभिलेख खाक।

जिला मुख्यालय स्थित विकास भवन में रविवार दोपहर अचानक आग लगने से अफरा-तफरी मच गई।

आग जिला प्रोबेशन अधिकारी के कक्ष संख्या-17 में लगी,जहां कुछ ही देर में लपटों ने विकराल रूप ले लिया।

आग की चपेट में आकर कक्ष में रखे महत्वपूर्ण अभिलेख और फाइलें जलकर राख हो गईं।

मौके पर मौजूद कर्मचारियों ने तत्काल प्रयास करते हुए कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया।

हालांकि,आग लगने के कारणों का अभी तक स्पष्ट पता नहीं चल सका है।

घटना के बाद प्रशासनिक अमले में हड़कंप मचा हुआ है।
व्यापार संघ प्रतिनिधिमंडल ने थाना प्रभारी से की मुलाकात, अपराध उन्मूलन का मिला भरोसा
मेरठ/बहसूमा, 12 अप्रैल। संयुक्त व्यापार संघ के पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने रविवार को थाना बहसूमा में थाना प्रभारी रविंद्र कुमार से शिष्टाचार भेंट की। इस दौरान थाना प्रभारी ने व्यापारियों को आश्वस्त करते हुए कहा कि किसी भी बेगुनाह को परेशान नहीं किया जाएगा और थाना परिसर के दरवाजे 24 घंटे आम जनता के लिए खुले हैं।

थाना प्रभारी रविंद्र कुमार ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि व्यापारी वर्ग निडर होकर अपने कार्य करें, प्रशासन हर परिस्थिति में उनके साथ खड़ा है। उन्होंने यह भी भरोसा दिलाया कि क्षेत्र से अपराध को जड़ से समाप्त करने के लिए सख्त कदम उठाए जाएंगे।

बैठक के दौरान व्यापार संघ के पदाधिकारियों ने भी कानून-व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस का सहयोग करने का संकल्प लिया। उन्होंने क्षेत्र में शांति एवं सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए हर संभव सहयोग देने की बात कही।

इस अवसर पर व्यापार संघ के अध्यक्ष अमन गोयल, महामंत्री विपुल गोयल, संगठन मंत्री अमित गोयल, कोषाध्यक्ष पीयूष सिंघल, संरक्षक प्रमोद गर्ग, वीरेंद्र चौधरी, उपाध्यक्ष निशु उर्फ राजा रस्तोगी,  डॉ. उदयवीर, दीपक, राहुल खुराना, सोनू उपाध्याय सहित अन्य गणमान्य सदस्य उपस्थित रहे।
पुलिस प्रशासन का अमानवीय चेहरा अनाथ बच्ची को कौन देगा सहारा कैसे मिलेगा न्याय
रितेश मिश्रा

हरदोई।   पुलिस प्रशासन की छवि सुधारने के लिए भले ही IPS और IAS अधिकारी मॉनिटरिंग कर दिशानिर्देश देते रहते हो और जनता को निडर और निर्भीक बनाने और पुलिस की साफ़ स्वच्छ तस्वीरें बनाने की बात करते हो लेकिन हरदोई देहात कोतवाली की पुलिस सब की उम्मीदो पर कीचड़ उछालती नज़र आ रही हैं।दिनांक 8/3/०26को कुछ लोगों ने 14 वर्षीय एक गांव निवासी लड़की के साथ मारपीट कर छेड़छाड़ की तो उस लड़की ने कोतवाली देहात में शिकायत दर्ज करा दी।

14 वर्षीय मासूम बच्ची अपनी तीन दो बहन और एक भाई से बड़ी है। पहले पिता की कैंसर से मृत्यु उसके बाद किचन में सिलेंडर लीक होने की बजह से लगभग एक माह पूर्व आग जनी से हुई मौत के सदमे से बाहर भी नहीं निकल पाई थी कि गांव के कुछ अवैध शराब विक्रेता व अराजकतत्वों ने यह हमला बोल दिया था।जिसकी शिकायत बच्ची ने कोतवाली में दर्ज कराई दबंगों के हौसले इस प्रकार बुलंद थे । कि जैसे ही वह अपनी बुआ के साथ घर वापस पहुंची । दबंगों ने फिर हमला बोल दिया।जिसकी शिकायत पुनः फोन द्वारा पुलिस प्रशासन को दी गई। लेकिन गम्भीर प्रकरण को भी पुलिस द्वारा गंभीरता से नहीं लिया गया और गुलामऊ चौकी बुलाया गया जहां एक भाजपा नेता की पैरवी और पैसों की चमक के आगे पुलिस अपनी मानवता ही खो बैठी लेकिन दबंगों का आक्रामक रवैया जारी है।

दिनांक 10 3 2026 को दबंगों द्वारा एक महिला पर आक्रामक होकर लाठी डंडों व धारदार हथियार से लैस होकर हमला बोल दिया जिसकी भी शिकायत थाना कोतवाली देहात में दर्ज करा दी गई है लेकिन धनबल और बाहुबल राजनीति संरक्षण के चलते अभी तक ना ही कोई कार्यवाही की गई और ना ही FIR दर्ज की गई है। उल्टा दबंगों द्वारा पुलिस प्रशासन ने प्रार्थना पत्र लेकर पीड़िता के परिजनों को ही निशाने पर ले लिया और पूर्व में लगी चोटों का मेडिकल परीक्षण कराकर झूठे मुकदमे में जेल भेजने की तैयारी कर रही है।

इस प्रकरण में थाना कोतवाली प्रभारी हरिनाथ यादव ने बताया कि हमने दोषियों को पकड़वाने के लिए कहा है डरा धमका देंगे लेकिन बाद में जानकारी मिली कि पीड़िता के ही सहयोगियों को पुलिस डरा धमका कर पकड़ रही है और प्रेसर में लेकर कार्यवाही ना करके सुलह समझौता की रणनीति तैयार कर रही है। ऐसी स्थिति में क्या इन असहाय निराश्रित अनाथ बच्चों को न्याय मिलेगा या पुलिस प्रशासन के इस अमानवीय निंदनीय कृत्य को बढ़ावा मिलेगा
नगर पालिका अध्यक्ष ने बाबू सियाराम गुप्ता मार्ग के शिलापट्ट का लोकार्पण किया

हरदोई । हरदोई सुखसागर मिश्र मधुर अध्यक्ष नगर पालिका परिषद  ने वार्ड संख्या 25 में  बाबू सियाराम गुप्ता मार्ग के शिलापट्ट का लोकार्पण किया । उक्त मार्ग का प्रस्ताव समाजसेवी स्व. सियाराम गुप्ता के नाम से बोर्ड की मीटिंग में   शहर के धर्मशाला रोड स्तिथ फर्स्ट क्राई शोरूम के निकट  चौराहे से रफ़ी अहमद कॉलेज तक स्वीकृत किया गया । स्व. सियाराम गुप्ता जनपद के प्रमुख व्यवसायी एवं समाजसेवी थे । वह आजीवन रोटरी क्लब के पदाधिकारी एवं ईंट भट्ठा यूनियन के अध्यक्ष रहते हुए सक्रिय राजनीति से जुड़े रहे ।

स्व . बाबू श्रीशचंद्र अग्रवाल तथा स्व . बाबू मोहनलाल वर्मा से उनके निकटस्थ परिवारिक संबंध रहे । उन्होंने बतौर कांट्रेक्टर जनपद की बड़ी सरकारी इमारतों जैसे जिला कैन सोसाइटी कार्यालय , सी एस एन डिग्री कॉलेज, आई हॉस्पिटल , कई विद्यालयों आदि के निर्माण कार्यो को करवाया। सदैव जरूतमंदों की मदद करने में तत्पर रहे । धार्मिक कार्यो एवं आयोजनों को करने में विशेष रुचि रखते थे। उनके परिवारजन शहर के प्रमुख व्यवसायिक प्रतिष्ठानों को उनके नाम से सफलतापूर्वक संचालित कर रहे है ।

इस अवसर पर अधिशासी अधिकारी रामेन्द्र सिंह , ओम प्रकाश गुप्ता , उमेश चंद्र गुप्ता , सभासद मुन्ना नेता , नामित सभासद रीना गुप्ता, राम कुमार गुप्ता एडवोकेट ,वरिष्ठ भाजपा नेता इंद्रेश्वर नाथ गुप्ता , अतुल गुप्ता , कपिल गुप्ता , गौरव गुप्ता , सुयश वाजपेयी , गौतम गुप्ता , केशव गुप्ता आदि परिवार के लोग उपस्थित रहे ।
रामस्वरूप मेमोरियल विवि में अंतरराष्ट्रीय संगोष्ठी: डॉ. तेजस्कर पाण्डेय ने ‘प्रकृति–ब्रह्माण्ड समन्वय’ पर रखा दृष्टिकोण
‘यत् पिण्डे तत् ब्रह्माण्डे’ सिद्धांत के जरिए मानव, प्रकृति और ब्रह्माण्ड के गहरे संबंध को किया स्पष्ट

लखनऊ। श्री रामस्वरूप मेमोरियल विश्वविद्यालय में आयोजित अंतरराष्ट्रीय संगोष्ठी में ज्योतिष आचार्य डॉ. तेजस्कर पाण्डेय (उप सचिव एवं प्रभारी संयुक्त निबंधक, उत्तर प्रदेश सूचना आयोग, लखनऊ) ने “वैदिक चिंतन में प्रकृति–ब्रह्माण्ड समन्वय” विषय पर व्याख्यान प्रस्तुत किया। कार्यक्रम में देश-विदेश के विद्वानों, प्राध्यापकों, शोधार्थियों एवं विद्यार्थियों की उल्लेखनीय उपस्थिति रही।
अपने संबोधन में डॉ. पाण्डेय ने ‘ऋत’ सिद्धांत तथा “यत् पिण्डे तत् ब्रह्माण्डे” की अवधारणा के माध्यम से बताया कि मानव, प्रकृति और ब्रह्माण्ड एक समन्वित तंत्र हैं। उन्होंने कहा कि ग्रह-नक्षत्रों की गतियां केवल आकाशीय घटनाएं नहीं, बल्कि मानव जीवन के निर्णय, दिशा और मानसिक स्थिति से भी गहराई से जुड़ी होती हैं।
अपने शोध कार्य का उल्लेख करते हुए उन्होंने बताया कि उनका अध्ययन वैश्विक परिप्रेक्ष्य में ज्योतिषीय विश्वास-प्रणाली का विश्लेषण करता है, जिसमें तीन हजार से अधिक व्यक्तियों और पांच सौ ज्योतिषाचार्यों पर आधारित गुणात्मक व मात्रात्मक पद्धति अपनाई गई है। शोध के निष्कर्षों के अनुसार ज्योतिष आज भी एक जीवंत, अनुकूलनशील और प्रभावी प्रणाली के रूप में समाज में विद्यमान है, जो व्यक्ति को मार्गदर्शन, मानसिक संतुलन और सांस्कृतिक निरंतरता प्रदान करती है।
इस अवसर पर उन्होंने विश्वविद्यालय में वैदिक विज्ञान को पाठ्यक्रम में शामिल किए जाने पर प्रसन्नता व्यक्त की और कुलपति श्री तिवारी का आभार जताया। साथ ही उन्होंने ब्रह्माण्ड विज्ञान एवं ज्योतिष का पृथक विभाग स्थापित करने तथा ज्योतिषीय परामर्श केंद्र शुरू करने का सुझाव दिया, जिससे आमजन को प्रमाणित विशेषज्ञों से विश्वसनीय मार्गदर्शन मिल सके।
उन्होंने यह भी बताया कि लखनऊ विश्वविद्यालय, केंद्रीय संस्कृत विश्वविद्यालय तथा इंदिरा गांधी राष्ट्रीय मुक्त विश्वविद्यालय के माध्यम से वैदिक ज्योतिष में स्नातकोत्तर स्तर की शिक्षा दी जा रही है, जो इस क्षेत्र के शैक्षणिक विकास में महत्वपूर्ण योगदान दे रही है।
अपने व्याख्यान के अंत में डॉ. पाण्डेय ने वैदिक ज्ञान को वर्तमान और भविष्य के मार्गदर्शक के रूप में अपनाने का आह्वान किया। संगोष्ठी में उपस्थित विद्वानों और प्रतिभागियों ने उनके व्याख्यान को उपयोगी, प्रेरणादायी और समसामयिक बताया।
48 घंटे अघोषित अंधेरे में आठ गांव की आबादी,तीन दिन से टूटकर गिरा पड़ा है एचटी लाइन तार

*चीफ ने पुलिस अधीक्षक से मांगी सुरक्षा

गोंडा।जिले में एचटी लाइन तार टूटने से अधिवक्ता व पत्रकार रंजीत तिवारी की हुई मौत के बाद से नगर कोतवाली क्षेत्र के पोर्टरगंज पथवलिया समेत आठ गावों में पिछले 48 घंटों से विद्युत आपूर्ति ठप है।जिससे लगभग 50 हजार की आबादी अंधेरे में रहने को मजबूर है।बिजली न होने के कारण इन गावों में पानी की टंकियां खाली हो गई हैं,तथा इनवर्टर व मोबाइल फोन डिस्चार्ज हो गये हैं।घरों के आवश्यक कार्य भी प्रभावित हो रहे हैं।रात के समय लोग बिना पंखे,कूलर या एसी के भीषण गर्मी में रहने को मजबूर हैं।बार बार बिजली विभाग के अधिकारियों कर्मचारियों से लोग शिकायत कर रहे हैं परन्तु कोई सुनने के लिए तैयार नहीं है।इस घटना के बाद स्थानीय लोगों में भारी गुस्सा है।बिजली विभाग के अधिकारियों और कर्मचारियों को ग्रामीणों के आक्रोश का डर सता रहा है,जिसके कारण वे अभी तक टूटे हुए तार को जोड़ने मौके पर नहीं पहुंचे हैं।स्थिति को देखते हुए बिजली विभाग के मुख्य अभियंता ने पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल को पत्र लिखकर सुरक्षा की मांग किया है।विभाग का कहना है कि सुरक्षा मिलने के बाद ही टूटे हुए तार को जोड़कर विद्युत आपूर्ति बहाल की जा सकेगी।मृतक अधिवक्ता व पत्रकार रंजीत तिवारी के भाई अमरजीत तिवारी ने कहा कि जबतक उनके घर के पास से 11 हजार की एचटी लाइन नहीं हटाई जाती है,तब तक वे तार को जोड़ने नहीं देंगे।उन्होंने नम आखों से कहा कि अब हम अपने परिवार के किसी सदस्य को खोना नहीं चाहते।अमरजीत ने बिजली विभाग पर भ्रष्टाचार का आरोप लगाते हुए मुख्यमंत्री से संज्ञान लेने और कठोर कार्यवाही की मांग किया है।बताते चलें कि तीन दिन पहले तार टूटने से रंजीत तिवारी की मौत हो गई थी।
गैर इरादतन हत्या के धाराओं में मुकदमा दर्ज होने के बाद भी आरोपी बिजली विभाग के अधिकारियों की गिरफ्तारी नहीं
*48 घंटे बाद भी नहीं हुआ खुलासा

गोंडा।जिले के नगर कोतवाली में बिजली विभाग के मुख्य अभियंता सहित पांच अधिकारियों पर गैर इरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज होने के 48 घंटे बीत जाने के बावजूद अभी तक कोई कार्यवाही नहीं की गयी है।नगर कोतवाली पुलिस ने अभी तक किसी भी नामजद आरोपी को गिरफ्तार नहीं किया है और न ही गिरफ्तारी के लिए कोई ठोस कदम उठाए जा रहे हैं।आरोपियों की गिरफ्तारी न होने से पीड़ित परिजनों के अंदर अत्यधिक नाराजगी है।परिजनों का पुलिस पर आरोप है कि वह गिरफ्तारी के लिए कोई प्रयास नहीं कर रही है और न ही आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमों को लगाया गया है।मामले में जब नगर कोतवाल बिंदेश्वरी मणि त्रिपाठी से बात किया गया तो उन्होंने कहा कि वे गिरफ्तारी के संबंध में कुछ नहीं बता सकते और जो भी कार्यवाही होगी उसकी जानकारी दी जाएगी।विधि वेत्ताओं की मानें तो गैर इरादतन हत्या की धाराएं एक गंभीर संज्ञेय और गैर जमानतीय अपराध है।इसमें दस साल तक की कैद या आजीवन कारावास और जुर्माने का प्रावधान है।इतने गंभीर धाराओं में भी गिरफ्तारी न होने से जिला पुलिस प्रशासन पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं।मृतक अधिवक्ता व पत्रकार रंजीत तिवारी के परिजन बिजली विभाग के सभी पांचों अधिकारियों के खिलाफ तत्काल कार्यवाही व गिरफ्तारी की मांग कर रहे हैं।परिजनों का कहना है कि 48 घंटे बीत जाने के बाद भी पुलिस आरोपियों को गिरफ्तार क्यों नहीं कर पा रही है।पुलिस क्षेत्राधिकारी नगर आनंद राय ने बताया कि मुकदमा दर्ज होने के बाद नगर कोतवाली पुलिस सभी बिंदुओं पर जांच कर रही है।उन्होंने कहा कि जांच पूरी होने और साक्ष्य इकट्ठा होने के बाद ही गिरफ्तारी की जाएगी।क्षेत्राधिकारी नगर श्री राय ने आश्वासन दिया कि पुलिस टीम पूरी तरह से लगी हुई है और मृतक रंजीत तिवारी के परिजनों के साथ खड़ी है।
बारिश होने से गिरे ओले में किसानों की फसल हुई बर्बाद मुआवजा दे सरकार
ओम कुमार त्रिवेदी

हरदोई। शाहाबाद तहसील क्षेत्र में हुई भारी बारिश और ओलावृष्टि से किसानों की फसल को भारी नुकसान पहुंचा है। इसी को लेकर किसान नेता सत्यवीर सिंह ने मीडिया से बात करते हुए बताया है कि शाहाबाद क्षेत्र के कई गांवों में गेहूं ,सरसों, हरी सब्जी की फसल पूरी तरह बर्बाद हो गई है, जिससे किसानों के सामने जीवन यापन का बहुत बड़ा संकट खड़ा हो गया है।

उन्होंने कहा कि किसान अपनी समस्याओं को लेकर दर-दर भटकने को मजबूर हैं। अपना दर्द किससे वया करे मौके पर खाद भी नहीं मिलती गेंहू भी सरकारी रेट पर नहीं तौल पा रहा किसान को अधिकारियों के चक्कर लगाने पड़ते प्रशासन गांव पर चौपाल लगाने का वादा करता लेकिन सिर्फ कागजों पर जमीन पर कुछ नहीं ।

सत्यवीर सिंह ने सीधे शाहाबाद तहसील  प्रशासन से  मांग की क्षेत्र के सभी गांवों का तत्काल सर्वे कराया जाए और प्रभावित किसानों को उचित मुआवजा दिया जाए। साथ ही जिन किसानों की फसल पूरी तरह नष्ट हो गई है, उन्हें तत्काल आर्थिक सहायता प्रदान की जाय उन्होंने सरकार से मांग की कि किसानों को उच्च गुणवत्ता का खाद और बीज समय पर उपलब्ध कराया जाए।जिला अध्यक्ष सत्यवीर सिंह अनुसार ग्राम पंचायत गढेपुर आगापुर,सरदारनगर, वेहटा कोला ,नसीरपुर, कालागांडा,हंसुआ  सहित कई गांवों में फसलों को नुकसान पहुंचा जल्द सर्वे की जाये
एसपी ऑफिस घोटाला: वित्त मंत्री ने मुख्यमंत्री को लिखा पत्र, सीआईडी करेगी आपराधिक साजिश की जांच; रांची कोषागार में भी दस्तावेज खंगाले गए


बोकारो और हजारीबाग एसपी ऑफिस में करोड़ों की अवैध निकासी मामले की जांच वित्त विभाग की उच्चस्तरीय कमेटी करेगी। जांच कमेटी की अध्यक्षता आईएएस अधिकारी करेंगे, जबकि तकनीकी पहलुओं की जांच के लिए एजी ऑफिस के कोई वरीय अधिकारी को कमेटी में शामिल किया जाएगा।

वहीं, घोटाले में आपराधिक षड्यंत्रों व कर्मियों/अधिकारियों की संलिप्तता की जांच सीआईडी करेगी। मामले की गंभीरता को देखते हुए वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने जांच के लिए मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को पत्र लिखा है, जिसमें मामले की समग्र जांच कराने का प्रस्ताव दिया है।

वित्त मंत्री ने प्रस्ताव में क्या लिखा

मुख्यमंत्री को दिए प्रस्ताव में वित्त मंत्री ने स्पष्ट कहा है कि बोकारो और हजारीबाग के साथ-साथ ऐसे अन्य संभावित मामलों की जांच के लिए भारतीय प्रशासनिक सेवा के अधिकारी की अध्यक्षता में जांच दल का गठन किया जा सकता है। इस अवैध निकासी में शामिल तकनीकी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए महालेखाकार कार्यालय (एजी ऑफिस) में पदस्थापित एक अनुभवी अधिकारी को दल का सदस्य नामित करने के लिए प्रधान महालेखाकार (पीएजी) से अनुरोध किया जा सकता है

सीआईडी को दी जा सकती है जांच

वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोन ने यह भी कहा कि बोकारो और हजारीबाग एसपी ऑफिस कार्यालय से अवैध निकासी और अन्य संभावित मामलों में आपराधिक षड्यंत्र एवं संलिप्तता को देखते हुए अबतक जो भी प्राथमिकी जिलों में दर्ज की गई है, सभी प्राथमिकी को सीआईडी को स्थानांतरित किए जाने के लिए उच्चस्तरीय निर्णय लिया जा सकता है।

रांची कोषागार में पुलिसकर्मियों के वेतन से जुड़े 3 साल के दस्तावेज खंगाले गए

रांची। हजारीबाग और बोकारो में पुलिसकर्मियों की संलिप्तता से कोषागार से करोड़ों की अवैध निकासी का मामला सामने आने के बाद अब रांची कोषागार की भी जांच शुरू कर दी गई है। अधिकारियों के अनुसार पहले चरण में पुलिसकर्मियों के पिछले तीन वर्षों के वेतन से संबंधित अभिलेखों की जांच शुरू की गई है। इसके बाद अन्य विभागों के भुगतान और निकासी की जांच होगी। अधिकारियों का कहना है कि यह जांच किसी भी संभावित गड़बड़ी के शक में चल रही है। शुरुआती जांच में कोई अनियमितता सामने नहीं आई है।