मानव जीवन में सफलता का विज्ञान है गीता : सुरेश दूबे

- रजत जयंती समारोह को भव्य बनाने में गीता गोष्ठी परिवार ने झोंकी ताकत

गोण्डा। मानव की जीवन शैली में सात्विक आचरण को बढ़ावा देकर श्रीमद्भागवत गीता सफलता का मार्ग प्रशस्त करती है। गीता केवल धार्मिक संदेश देने वाला धर्म ग्रंथ नही बल्कि जीवन में सफलता का महा विज्ञान है। 

 मालवीय नगर में स्थित रामेश्वरम मंदिर में रविवार को गीता गोष्ठी की साप्ताहिक गोष्ठी के उपरांत रजत जयंती समारोह के आयोजन समिति के पदाधिकारियों की बैठक को संबोधित करते हुए समारोह के संयोजक इं. सुरेश दूबे ने उक्त विचार व्यक्त किए। 14 दिसम्बर रविवार को आयोजित गीता गोष्ठी के रजत जयंती समारोह की तैयारियों की समीक्षा करते हुए संयोजक दूबे ने पदाधिकारी को दायित्व सौंपते हुए सभी से आयोजन के व्यापक प्रचार प्रसार का दायित्व सौंपा।

 गोष्ठी के संस्थापक सदस्य जनार्दन सिंह ने गोष्ठी परिवार के सदस्यों से नगर के प्रत्येक सनातनी परिवार से एक एक सदस्य को समारोह में शामिल कराने का आह्वान किया। बैठक में शामिल पांच दर्जन से अधिक पदाधिकारियों ने प्रचार प्रसार की जानकारी देते हुए नगर व निकटवर्ती ग्रामीण क्षेत्रों में आयोजन का निमंत्रण पत्रक चर घर पहुंचाने का संकल्प व्यक्त किया। 

  बैठक में धीरेंद्र प्रताप पाण्डेय, के के श्रीवास्तव चन्द्रभाल मिश्र, रमेश दूबे, उत्तम कुमार शुक्ल, राम सेवक सिंह, विजय शंकर दुर्गा प्रसाद चतुर्वेदी, विजय मिश्रा, छेदीलाल सैनी, पंकज दूबे, राम अनुज दूबे एवं अशोक जायसवाल मौजूद रहे।

तुलसीपुर में चार दिनों से आवागवन बाधित

बलरामपुर। तुलसीपुर- विगत चार दिनों से स्थानीय हनुमानगढ़ी तिराहे पर रिसाव के कारण पाइपलाइन मरम्मत के कारण आज फिर रास्ता बाधित कर दिए जाने के कारण सहालग के दिनों में मुख्य बाजार में व्यापार पूरी तरह से चौपट हो गया है जिस पर उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल के पदाधिकारियों ने रोष व्यक्त किया है।

अध्यक्ष श्याम बिहारी अग्रहरि ने कहा कि पिछले 3- 4 दिनों से सड़क खोदे जाने से रास्ता बाधित है तथा नागरिकों को पेयजल भी बड़ी मुश्किल से मिल रहा है और स्थानीय निकाय व जल निगम की आपसी खींचतान का खामियाजा पेयजल संकट के साथ बाज़ार पर भी असर देखा जा सकता है।महामन्त्री रूप चन्द्र गुप्ता ने कहा कि पेयजल की आपूर्ति सुचारू रूप से हो यह नगर पंचायत का दायित्व है लेकिन स्थानीय निकाय मात्र जल निगम पर दोषारोपण ही कर रहा है।इस व्यवधान के लिए जवाबदेही दोनों संस्थाओं व उनके प्रबंधकों की है।

आज जल कल सुपरवाइजर ने बताया है कि खराब पाइपलाइन को हटाकर उसकी जगह दूसरी पाइप डाली जा रही है जिसे जल्द ही पूरा कर पेयजल की आपूर्ति निर्बाध रूप से की जाएगी।राधेश्याम चौरसिया,रिज़वान बबलू,अरविंद गुप्ता,अफ़ज़ाल,जय सिंह,विक्की गुप्ता,शिव कुमार,अमित गुप्ता आदि ने पेयजल संकट के निदान की मांग की है।

गया में अजातशत्रु होटल में सामूहिक रूप से सुना गया प्रधानमंत्री मोदी का 118वां ‘मन की बात’ कार्यक्रम

गया: गया जिले के गया जी विधानसभा क्षेत्र स्थित अजातशत्रु होटल में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 118वें ‘मन की बात’ कार्यक्रम का सामूहिक श्रवण उत्साहपूर्ण माहौल में आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम का नेतृत्व भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व मंत्री डॉ. प्रेम कुमार ने किया। बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता, समर्थक और क्षेत्र के सम्मानित नागरिक उपस्थित होकर प्रधानमंत्री के प्रसारण को ध्यानपूर्वक सुनते रहे।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने संबोधन में देशहित, सामाजिक जिम्मेदारी, आत्मनिर्भरता, पर्यावरण संरक्षण और स्वदेशी अभियान को आगे बढ़ाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि भारत तभी तेजी से आगे बढ़ सकता है जब हर नागरिक ‘भारत में बने उत्पादों’ को प्राथमिकता देने की आदत विकसित करे। प्रधानमंत्री ने विशेष रूप से अपील की कि “हम जो भी सामान खरीदें, वह भारत में बना हो और भारतीय श्रम तथा तपस्या से तैयार हुआ हो।” साथ ही उन्होंने राष्ट्र निर्माण में युवा शक्ति, महिला सशक्तिकरण और सामाजिक समरसता को महत्वपूर्ण आधार बताया।

कार्यक्रम के उपरांत अपने संबोधन में डॉ. प्रेम कुमार ने कहा कि प्रधानमंत्री के विचार न केवल प्रेरणादायी हैं, बल्कि देश को आत्मनिर्भर भारत की दिशा में मजबूती से आगे बढ़ाने वाले हैं। उन्होंने कहा कि आज देश का प्रत्येक नागरिक स्वदेशी अपनाकर भारत की अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाने का संकल्प ले रहा है। डॉ. प्रेम कुमार ने ‘मन की बात’ को जनता और प्रधानमंत्री के बीच संवाद का अनूठा माध्यम बताते हुए कहा कि यह कार्यक्रम लोगों में राष्ट्रभक्ति, सकारात्मक सोच और कर्तव्य भावना का संचार करता है।

उन्होंने सभी उपस्थित लोगों से प्रधानमंत्री के संदेशों को जन-जन तक पहुँचाने का आह्वान किया और कहा कि स्वदेशी के साथ-साथ समाज सेवा, पर्यावरण संरक्षण तथा राष्ट्रीय एकता को भी जीवन का मूल मंत्र बनाना चाहिए। इस अवसर पर अनेक भाजपा नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे, जिनमें अनिल कुमार, राजेंद्र प्रसाद अधिवक्ता, राजनंदन प्रसाद गांधी, ऋषि लोहानी, राजेश मस्तान, गुंजन मिश्रा, मनीष कुमार, सोनू, डॉ. जे. खान, दीपू कुमार, दीपक चंद्रवंशी, उपेंद्र कुमार सिंह, पंकज लोहानी, जितेंद्र कुमार, महेंद्र प्रसाद, विवेक चंद्रवंशी, वेद प्रकाश सुमन, लाडो लड्डू सिंह, नीतीश कुमार और दीनानाथ प्रसाद सहित कई अन्य लोग शामिल थे। सभी ने आत्मनिर्भर भारत के संकल्प को दोहराते हुए ‘मन की बात’ कार्यक्रम को सफल बनाया।

यातायात माह नवम्बर 2025 का भव्य समापन समारोह सम्पन्न

संजय द्विवेदी, प्रयागराज।पुलिस लाइन प्रयागराज में 01 नवम्बर से 30 नवम्बर 2025 तक चले यातायात जागरूकता अभियान का भव्य समापन समारोह आज अत्यन्त गरिमामय वातावरण में सम्पन्न हुआ।इस अवसर पर मुख्य अतिथि पुलिस आयुक्त जोगेन्द्र कुमार (आईपीएस)एवं विशिष्ट अतिथि के रूप में एन.कोलांची (अपर पुलिस आयुक्त)डॉ.अजय पाल शर्मा(अपर पुलिस आयुक्त कानून व्यवस्था)मनीष कुमार (पुलिस उपायुक्त नगर)कुलदीप गुनावत(पुलिस उपायुक्त गंगानगर)विवेक चन्द यादव(पुलिस उपायुक्त यमुनानगर)एवं नीरज कुमार पाण्डेय(पुलिस उपायुक्त यातायात)की गरिमामयी उपस्थिति रही।

कार्यक्रम में व्यापार मण्डल के पदाधिकारी एनसीसी के छात्र-छात्राएं वरिष्ठ समाजसेवी रघुनाथ द्विवेदी(अध्यक्ष टेम्पो-टैक्सी यूनियन)उत्तर प्रदेश अपराध निरोधक समिति के वाइस चेयरमैन आर.एस.वर्मा (सेवानिवृत्त आईएएस पूर्व सचिव उत्तर प्रदेश सरकार) सहित समिति के अनेक पदाधिकारी व सदस्य उपस्थित थे।समापन समारोह के दौरान उत्तर प्रदेश अपराध निरोधक समिति के सचिव सन्तोष कुमार ने समिति का प्रतिनिधित्व करते हुए अपना प्रेरणादायी सम्बोधन दिया।उन्होने बताया कि यह अभियान सिर्फ औपचारिक कार्यक्रम नही बल्कि समाज में यातायात अनुशासन नारी सुरक्षा मिशन शक्ति तथा साइबर अपराध से बचाव को लेकर एक सशक्त जन- आन्दोलन रहा।

उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि वर्ष 2017-18 में जोगेन्द्र कुमार प्रयागराज में एसएसपी पद पर कार्यरत थे तब भी समिति को उनके मार्गदर्शन का लाभ मिला था आज भी उनका व उनके अधीनस्थ अधिकारियो का मार्गदर्शन व आशीर्वाद मिल रहा है।इस अभियान के तहत जनपद की समस्त तहसीलो ब्लॉकों एवं नगरीय क्षेत्रो में स्थित 265 विद्यालयो में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित हुए।थाना प्रभारियो एवं यातायात विभाग के निरीक्षक अमित कुमार उपनिरीक्षक इन्द्रपाल वर्मा व उनकी टीम के सहयोग से कुल 12,780 जागरूकता शपथ- पत्र भरवाए गए जिन्हे मुख्य अतिथि एवं विशिष्ट अतिथियों को औपचारिक रूप से सौंपा गया।

उक्त भव्य समापन कार्यक्रम का संचालन डॉ.रंजना त्रिपाठी उप-प्राचार्य कन्या पी.जी.कॉलेज प्रयागराज द्वारा अत्यन्त सरल प्रभावशाली एवं सराहनीय रूप में किया गया।समिति की ओर से योगदान देने वालो में प्रमुख रूप से अजीत कुमार सिन्हा लक्ष्मीकांत मिश्रा(एडवोकेट- विधि सलाहकार) संजय उपाध्याय आर.ए. फारुकी रामबाबू सिंह मनीष विश्वकर्मा राकेश शर्मा प्रेमचंद स्वर्णकार जितेन्द्र श्रीवास्तव संदीप सोनी विशाल श्रीवास्तव प्रशांत सिंह सुधीर प्रजापति बलवंत विश्वकर्मा राज सिंह राजेश निषाद अर्जुन सिंह देवेन्द्र विश्वकर्मा वकार अहमद अंसारी शाहिद अहमद खान योगेश चौरसिया गौरव विश्वकर्मा अनुराग सिंह राजन विश्वकर्मा संगम प्रजापति कमलेश मौर्य नवीन जायसवाल अक्षय जैन गजानन जैन हरविंदर सिंह विमल सक्सेना रुपेश यादव मोहम्मद जीशान नोनीहाल सहित अनेक सदस्यो ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। 

लगातार एक माह तक आयोजित कार्यक्रमो के संचालन में हसन-ए-नकवी (सचिव पर्यावरण प्रकोष्ठ) की विशेष भूमिका रही।प्रचार- प्रसार एवं व्यवस्थाओं में शोएब आलम (जनसम्पर्क अधिकारी)अशोक सिंह (प्रकाशन सचिव)प्रियंका पाराशर(महिला प्रकोष्ठ प्रभारी)अंकित सिंह(नोडल प्रभारी गंगानगर)नरेन्द्र कुमार कपीश मिश्रा नरेन्द्र देव मिश्र (कोरांव थाना कमेटी प्रभारी) मेजर सुनील कुमार निषाद बी.के.श्रीवास्तव(रेलवे प्रकोष्ठ प्रभारी)अरुण कुमार शुक्ल रूपेश जैन निसार अहमद कयामुद्दीन मोहम्मद आफताब मोहम्मद जावेद मोहसिन मनीष कुमार विश्वकर्मा सहित सभी सहयोगियों का योगदान सराहनीय रहा।प्रयागराज में किए गए इस उत्कृष्ट एवं प्रभावशाली कार्य को देखते हुए चेयरमैन कमलेश श्रीवास्तव वाइस चेयरमैन आर.एस.वर्मा (सेवानिवृत्त आईएएस)समिति के संरक्षक न्यायमूर्ति राजीव लोचन मेहरोत्रा वाइस चेयरमैन एवं प्रयागराज के महापौर उमेश चन्द्र गणेश केसरवानी तथा पुलिस आयुक्त अपर पुलिस आयुक्त एवं तीनो पुलिस उपायुक्त एवं यातायात विभाग के नोडल प्रभारी पुष्कर वर्मा (आईपीएस)द्वारा समिति के समस्त सदस्यो पदाधिकारियो व सहयोगियो को शुभकामनाएं प्रदान की गई।यह अभियान जन-जागरूकता अनुशासन एवं सुरक्षा के प्रति समाज में नई चेतना जागृत हुई।

झोलाछाप डॉक्टर की लापरवाही के कारण महिला एवं नवजात बच्चे की गई जान

परिजनों के हंगामे के बाद स्थानीय विधायक और पुलिस प्रशासन मौके पर पहुंचे।

रफीगंज के महादेव हॉस्पिटल में महिला एवं नवजात के मृत्यु के बाद परिजनों हंगामा खड़ा कर दिया। सूचना पाकर स्थानीय विधायक एवं पुलिस प्रशासन के लोग मौके पर पहुंच मामले को शांत करवाया। इस मामले में मृतक महिला के पति महुआइन गाँव निवासी अखिलेश चौधरी द्वारा रफीगंज थाने में प्राथमिकी दर्ज करवाई गई है। दिए गए आवेदन में उल्लेख किया गया है कि मैं अपनी पत्नी शोभा देवी (उम्र लगभग 27 वर्ष) को प्रसव के लिए 27 नवंबर 2025 को दोपहर रफीगंज के सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया था। सरकारी अस्पताल में डॉक्टर लालजी यादव और एक ANM द्वारा जाँच के बाद बताया गया कि मरीज की स्थिति ठीक' है, और प्रसव सामान्य हो जाएगा, जिसमें थोड़ा समय लगेगा। इसी बीच ललीता देवी ने उन्हें सरकारी अस्पताल में प्रसव ठीक से न होने की बात कहकर 'महादेव अस्पताल' जाने की सलाह दी।पति अखिलेश चौधरी का कहना है कि उन्होंने 27 नवंबर की पूरी रात सरकारी अस्पताल में इंतजार किया, लेकिन वहाँ किसी डॉक्टर या नर्स ने उनकी पत्नी को कोई इलाज नहीं दिया। आशा कार्यकर्ता की सलाह पर परिवार ने अपनी मरीज को 28 नवंबर 2025 को दोपहर महादेव अस्पताल में भर्ती कराया। महादेव अस्पताल में डॉ. महादेव यादव और अवकाश प्राप्त ANM राधा देवी ने कथित तौर पर परिजनों को बताया कि मरीज की स्थिति ठीक नहीं है और जितनी जल्दी हो सके, ऑपरेशन कराना होगा। ऑपरेशन से पहले उनसे ₹30,000 जमा करने के लिए कहा गया।परिजनों ने तुरंत ₹30,000 जमा कर दिए, जिसके बाद शोभा देवी का ऑपरेशन किया गया। ऑपरेशन के थोड़ी देर बाद डॉक्टर ने परिजनों को बताया कि महिला और नवजात दोनों सीरियस हैं।

डॉ महादेव द्वारा कासमा रोड स्थित मां बच्चा अस्पताल में हमारे बच्चे को साथ ले जाकर भर्ती करवाया गया। जहां बच्चा अस्पताल के डॉ विकास कुमार द्वारा बताया गया कि बच्चा सीरियस है 20 हजार रुपए जमा करें। इसके कुछ देर बाद बताया गया कि बच्चे की स्थिति ठीक नहीं है रेफर करना होगा। जब बच्चे को देखा तो वो मृत अवस्था में पड़ा हुआ था। दूसरी तरफ डॉ महादेव के द्वारा एंबुलेंस बुलाकर हमारे परिजन के साथ मेरी पत्नी को गयाजी के किसी अस्पताल में भेज दिया गया तथा डॉ महादेव एवं स्टाफ सभी अस्पताल छोड़कर फरार हो गए।

सूत्रों के अनुसार महिला और नवजात की मौत की खबर मिलते ही परिजनों का गुस्सा भड़क उठा और उन्होंने अस्पताल परिसर में हंगामा शुरू कर दिया। परिजनों ने डॉक्टर और आशा कार्यकर्ता पर लापरवाही और गुमराह करने का आरोप लगाते हुए कड़ी कार्रवाई की मांग की है। सूचना पाकर रफीगंज विधायक प्रमोद कुमार सिंह मौके पर पहुंचे और उन्होंने औरंगाबाद डीएम श्रीकांत शास्त्री से फोन पर बातचीत कर रफीगंज में चल रहा है अवैध क्लिनिको पर छापा मारने की बात कही। तथा इस मामले में निष्पक्ष जांच करते हुए डॉक्टर पर कड़ी से कड़ी कार्रवाई करने कि बात कही।

जिला निर्वाचन अधिकारी पुनरीक्षण अभियान के तहत महबूब अली इण्टर कालेज.द्वारिका प्रसाद गर्ल्स इण्टर कालेज व बूथो का किया निरीक्षण।

संजय द्विवेदी प्रयागराज।जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा के द्वारा रविवार को मतदाता सूची के विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण अभियान के तहत बीएलओं के द्वारा किए जा रहे एसआईआर फार्मो के वितरण कलेक्शन एवं डिजिटाइज़ेशन के कार्यो का निरीक्षण करने महबूब अली इण्टर कालेज द्वारिका प्रसाद गर्ल्स इण्टर कालेज पहुंचे।जिलाधिकारी ने वहां पर बूथों का स्थलीय निरीक्षण करते हुए कार्य की प्रगति का जायज़ा लिया तथा सभी संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिये।जिलाधिकारी ने निरीक्षण के दौरान सभी मतदाताओं से जल्द से जल्द अपना फार्म बीएलओं को उपलब्ध कराये जाने का अनुरोध भी किया। उन्होंने निरीक्षण के दौरान उपस्थित लोगो से कहा कि सभी मतदाता अपनी जिम्मेदारियों को समझते हुए बीएलओ को शीघ्रता से फार्म भर कर उपलब्ध करा दे जिससे कि समय से फार्म की फीडिंग करायी जा सके।उन्होंने कहा कि जिन मतदाताओं के द्वारा सम्बंधित बीएलओ के बार-बार विजिट के बावजूद भी अभी तक फार्म भरकर उन्हे उपलब्ध नही कराया है अथवा फार्म भरने के कार्य में अपेक्षित सहयोग भी नही किया जा रहा है ऐसे मतदाताओं का नाम आलेख सूची में नहीं आ पाएगा इसलिये सभी लोग जल्द से जल्द फॉर्म भरकर उपलब्ध करा दे।उन्होने कहा कि लोग अपना फॉर्म ऑनलाइन माध्यम से भी भर सकते हैं इसलिये यदि कोई किसी कार्यवश घर से बाहर है तो वे ऑनलाइन पंजीरकण कर फार्म सबमिट कर दे।सम्बंधित बीएलओ के द्वारा जांच कर फार्म पर अग्रिम कार्यवाही की जायेगी।इस अवसर पर सम्बन्धित अधिकारीगण उपस्थित रहें।

सभापति अशोक अग्रवाल के सभापतित्व में विधान परिषद की‘‘याचिका समिति’’की बैठक सम्पन्न।

जनता की समस्याओ का निस्तारण कराना हमारी शीर्ष प्राथमिकता होनी चाहिए- सभापति।

संजय द्विवेदी प्रयागराज।सभापति अशोक अग्रवाल के सभापतित्व में रविवार को संगम सभागार में प्रयागराज कौशाम्बी व फतेहपुर के सम्बंधित अधिकारीगणो के साथ विधान परिषद की याचिका समिति की बैठक आयोजित की गयी।सर्वप्रथम जिलाधिकारी प्रयागराज मनीष कुमार वर्मा ने सभापति विधान परिषद सदस्यो को अंगवस्त्र व मोमेण्टो भेट कर उनका स्वागत किया।बैठक में लोक निर्माण विभाग माध्यमिक शिक्षा विभाग नगर विकास विभाग ग्राम विकास विभाग पंचायती राज विभाग ऊर्जा विभाग सहित अन्य विभागो के प्रकरणो की समीक्षा की गयी।बैठक में सभापति ने समय- समय पर उठाए गए जनहित के प्रकरणो से सम्बन्धित विषयो की अद्यतन स्थिति पर विस्तार से चर्चा की।समिति ने विद्युत विभाग के अधिकारियो से कहा कि बिजली बिल राहत योजना 2025 सरकार की प्रमुख योजना है।उन्होने पूछा कि प्रयागराज में ऐसे कितने बेसिक स्कूल है जहां पर अभी तक विद्युत कनेक्शन नही हुआ है उनका सत्यापन करते हुए वहा पर विद्युत कनेक्शन की कार्यवाही कराये जाने के लिए कहा है।समिति की बैठक में नगर निगम से सम्बंधित विभिन्न निर्माण कार्यो पार्क के सौन्दर्यीकरण आदि के सम्बन्ध में नगर आयुक्त सीलम सांई तेजा से समिति ने जानकारी प्राप्त की।समिति द्वारा नगर निगम के कार्यो पर सन्तोष व्यक्त किया गया।समिति द्वारा सम्बंधित अधिकारियो को निर्देशित किया।प्रभावी सभापति ने कहा कि जनता की समस्याओ का निस्तारण कराना हमारी शीर्ष प्राथमिकता होनी चाहिए।उन्होने कहा कि सभी सम्बंधित अधिकारीगण सरकार की संचालित योजनाओ से आमजनमानस को लाभान्वित कराये।इसके लिए हम सभी लोगो को तत्परता के साथ कार्य करना चाहिए।सभापति ने कहा कि सभी याचिकाएं जनता से जुड़ी होती है हम सभी की जिम्मेदारी है कि उक्त याचिकाओ पर गम्भीरतापूर्वक विचार करके कार्य पूरा कराएं तथा निस्तारण सुनिश्चित करे।बैठक के अन्त में जिलाधिकारी प्रयागराज मनीष कुमार वर्मा ने धन्यवाद ज्ञापित करते हुए सभापति एवं समिति के अन्य सदस्यो को आश्वस्त किया कि आज बैठक में समिति द्वारा दिये गये निर्देशो का अनुपालन सुनिश्चित कराया जायेगा।इस अवसर पर विधान परिषद सदस्य सुरेन्द्र चौधरी के0पी0श्रीवास्तव सचिव रविन्द्र भाई पटेल.मुख्य विकास अधिकारीगण सहित सम्बंधित जिलो के अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

सभापति अशोक अग्रवाल के सभापतित्व में विधान परिषद की‘‘याचिका समिति’’की बैठक सम्पन्न।

जनता की समस्याओ का निस्तारण कराना हमारी शीर्ष प्राथमिकता होनी चाहिए- सभापति।

संजय द्विवेदी प्रयागराज।सभापति अशोक अग्रवाल के सभापतित्व में रविवार को संगम सभागार में प्रयागराज कौशाम्बी व फतेहपुर के सम्बंधित अधिकारीगणो के साथ विधान परिषद की याचिका समिति की बैठक आयोजित की गयी।सर्वप्रथम जिलाधिकारी प्रयागराज मनीष कुमार वर्मा ने सभापति विधान परिषद सदस्यो को अंगवस्त्र व मोमेण्टो भेट कर उनका स्वागत किया।बैठक में लोक निर्माण विभाग माध्यमिक शिक्षा विभाग नगर विकास विभाग ग्राम विकास विभाग पंचायती राज विभाग ऊर्जा विभाग सहित अन्य विभागो के प्रकरणो की समीक्षा की गयी।बैठक में सभापति ने समय- समय पर उठाए गए जनहित के प्रकरणो से सम्बन्धित विषयो की अद्यतन स्थिति पर विस्तार से चर्चा की।समिति ने विद्युत विभाग के अधिकारियो से कहा कि बिजली बिल राहत योजना 2025 सरकार की प्रमुख योजना है।उन्होने पूछा कि प्रयागराज में ऐसे कितने बेसिक स्कूल है जहां पर अभी तक विद्युत कनेक्शन नही हुआ है उनका सत्यापन करते हुए वहा पर विद्युत कनेक्शन की कार्यवाही कराये जाने के लिए कहा है।समिति की बैठक में नगर निगम से सम्बंधित विभिन्न निर्माण कार्यो पार्क के सौन्दर्यीकरण आदि के सम्बन्ध में नगर आयुक्त सीलम सांई तेजा से समिति ने जानकारी प्राप्त की।समिति द्वारा नगर निगम के कार्यो पर सन्तोष व्यक्त किया गया।समिति द्वारा सम्बंधित अधिकारियो को निर्देशित किया।प्रभावी सभापति ने कहा कि जनता की समस्याओ का निस्तारण कराना हमारी शीर्ष प्राथमिकता होनी चाहिए।उन्होने कहा कि सभी सम्बंधित अधिकारीगण सरकार की संचालित योजनाओ से आमजनमानस को लाभान्वित कराये।इसके लिए हम सभी लोगो को तत्परता के साथ कार्य करना चाहिए।सभापति ने कहा कि सभी याचिकाएं जनता से जुड़ी होती है हम सभी की जिम्मेदारी है कि उक्त याचिकाओ पर गम्भीरतापूर्वक विचार करके कार्य पूरा कराएं तथा निस्तारण सुनिश्चित करे।बैठक के अन्त में जिलाधिकारी प्रयागराज मनीष कुमार वर्मा ने धन्यवाद ज्ञापित करते हुए सभापति एवं समिति के अन्य सदस्यो को आश्वस्त किया कि आज बैठक में समिति द्वारा दिये गये निर्देशो का अनुपालन सुनिश्चित कराया जायेगा।इस अवसर पर विधान परिषद सदस्य सुरेन्द्र चौधरी के0पी0श्रीवास्तव सचिव रविन्द्र भाई पटेल.मुख्य विकास अधिकारीगण सहित सम्बंधित जिलो के अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

29 पुराने श्रम कानूनों का एकीकरण, देशभर में लागू हुई चार संहिताएँ

* श्रम मंत्री अनिल राजभर ने दी नई श्रम संहिताओं की विस्तृत जानकारी * 1228 धाराएँ घटकर 480, श्रम कानूनों में ऐतिहासिक सरलीकरण * निरीक्षण व्यवस्था ऑनलाइन, रैंडमाइज्ड सिस्टम से इंस्पेक्टर राज समाप्त * न्यूनतम वेतन सभी क्षेत्रों पर लागू, वेतन भुगतान दो दिन में अनिवार्य * 300+ कर्मचारियों वाले प्रतिष्ठानों में बंदी/छंटनी के लिए राज्य की अनुमति अनिवार्य लखनऊ। लोक भवन स्थित मीडिया सेंटर में आयोजित प्रेस वार्ता में श्रम एवं सेवायोजन मंत्री अनिल राजभर ने बताया कि भारत सरकार द्वारा 29 पुराने श्रम अधिनियमों को एकीकृत करते हुए मजदूरी संहिता 2019, सामाजिक सुरक्षा संहिता 2020, औद्योगिक संबंध संहिता 2020 तथा उपजीविकाजन्य सुरक्षा, स्वास्थ्य एवं कार्यदशा संहिता 2020 को लागू कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि यह सुधार देश की श्रम व्यवस्था को सरल, पारदर्शी और आधुनिक बनाते हुए श्रमिकों को सुरक्षा, सम्मान और समयबद्ध सेवाएँ उपलब्ध कराएंगे। नई संहिताएं 21 नवम्बर 2025 से पूरे देश में प्रभावी हो चुकी हैं। मंत्री राजभर ने बताया कि इन सुधारों से श्रम कानूनों की जटिलता में ऐतिहासिक रूप से कमी आई है। पहले जहाँ 1228 धाराएँ थीं, अब उनकी संख्या घटाकर 480 की गई है। 1436 नियमों के स्थान पर केवल 351 नियम लागू किए गए हैं। 84 रजिस्टरों की जगह मात्र 8 रजिस्टर और 31 रिटर्न के स्थान पर एकल रिटर्न की व्यवस्था कर दी गई है। इससे नियोक्ताओं का अनुपालन बोझ कम होगा और श्रमिकों के हितों का संरक्षण अधिक प्रभावी तरीके से हो सकेगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संदेश का उल्लेख करते हुए मंत्री ने कहा कि ये संहिताएँ युवाओं, महिलाओं, गिग वर्कर्स और सभी श्रमिकों के जीवन में स्थिरता व सुरक्षा सुनिश्चित करेंगी और आर्थिक वृद्धि को नई गति देंगी। उन्होंने बताया कि पारदर्शिता बढ़ाने के लिए निरीक्षण व्यवस्था को पूरी तरह ऑनलाइन कर दिया गया है। रैंडमाइज्ड निरीक्षण प्रणाली से अब इंस्पेक्टर राज की अवधारणा समाप्त होगी और निरीक्षक की भूमिका सुविधा प्रदाता के रूप में विकसित होगी। किसी भी प्रथम उल्लंघन की स्थिति में नियोक्ता अधिकतम जुर्माने के 50 प्रतिशत का भुगतान कर उपशमन प्राप्त कर सकते हैं, जिससे अनावश्यक अभियोजन नहीं होगा। इससे ईज ऑफ डूइंग बिजनेस को बढ़ावा मिलेगा और उद्योगों को अनावश्यक विवादों से राहत मिलेगी। मजदूरी संहिता की चर्चा करते हुए मंत्री राजभर ने कहा कि वेतन की परिभाषा को एकीकृत किया गया है और न्यूनतम वेतन अब सभी संगठित और असंगठित क्षेत्रों पर लागू होगा। वेतन भुगतान की समय-सीमा को अनिवार्य किया गया है और सेवा समाप्ति या त्यागपत्र की स्थिति में दो दिनों के भीतर सभी देयक का भुगतान सुनिश्चित किया गया है। ओवरटाइम के लिए दोगुने वेतन का प्रावधान, वेतन से कटौती की अधिकतम सीमा 50 प्रतिशत, तथा सभी कर्मचारियों को वेज-स्लिप देना अब अनिवार्य किया गया है, जिससे वेतन व्यवस्था पूरी तरह पारदर्शी बनेगी। सामाजिक सुरक्षा संहिता की जानकारी देते हुए उन्होंने कहा कि पहली बार गिग और प्लेटफॉर्म वर्कर्स को वैधानिक रूप से परिभाषित कर सामाजिक सुरक्षा के दायरे में लाया गया है। इनके कल्याण के लिए कोष का निर्माण किया जाएगा, जिसमें सरकार के साथ एग्रीगेटर्स भी अपने टर्नओवर का 1–2 प्रतिशत योगदान करेंगे। फिक्स्ड टर्म कर्मचारियों को स्थायी कर्मचारियों के समान लाभ तथा एक वर्ष की सेवा पर ग्रेच्युटी का अधिकार मिलेगा। श्रमजीवी पत्रकारों के लिए ग्रेच्युटी पात्रता अवधि पाँच वर्ष से घटाकर तीन वर्ष की गई है। सामान्य नागरिकों को राहत देते हुए निजी आवास निर्माण सीमा को बढ़ाकर 50 लाख किया गया है। औद्योगिक संबंध संहिता के बारे में मंत्री राजभर ने बताया कि इसमें तीन अधिनियमों को मिलाकर एक आधुनिक और स्पष्ट व्यवस्था बनाई गई है। 300 से अधिक कर्मचारियों वाले प्रतिष्ठानों में छंटनी या बंदी हेतु राज्य सरकार की अनुमति अनिवार्य होगी। सामूहिक अवकाश को भी हड़ताल की परिभाषा में शामिल कर दिया गया है और 14 दिन की पूर्व सूचना के बिना किसी भी प्रकार की हड़ताल, तालाबंदी या अवकाश प्रतिषिद्ध होगा। उद्योगों और श्रमिकों के बीच समन्वय बढ़ाने हेतु शिकायत परितोष समिति, वार्ताकारी परिषद तथा दो सदस्यीय औद्योगिक अधिकरण का गठन किया गया है। उपजीविकाजन्य सुरक्षा, स्वास्थ्य एवं कार्यदशा संहिता की चर्चा करते हुए मंत्री राजभर ने बताया कि 13 पुराने कानूनों को समाप्त कर एक व्यापक और एकीकृत ढांचा तैयार किया गया है। इसमें कारखाने, बागान, खदान, पत्रकारिता, भवन निर्माण तथा सेवा क्षेत्र में कार्यरत कर्मचारियों के लिए सुरक्षा, स्वास्थ्य, स्वच्छता, कार्य घंटों और कार्यस्थल की उपयुक्तता संबंधी सभी प्रावधानों को आधुनिक रूप में लागू किया गया है। सभी प्रतिष्ठानों को अपने श्रमिकों का वार्षिक स्वास्थ्य परीक्षण कराना और उसकी रिपोर्ट उपलब्ध कराना अनिवार्य किया गया है। मंत्री राजभर ने कहा कि राज्य सरकार स्थानीय स्तर पर करियर केंद्र स्थापित करेगी, जहाँ रोजगार चाहने वाले युवाओं का डेटा संकलन, परामर्श, काउंसलिंग और रोजगार मेले आयोजित किए जाएंगे। सम्पूर्ण पंजीकरण, आवेदन और पत्राचारथ प्रक्रिया अब पूर्णतः इलेक्ट्रॉनिक माध्यम से होगी। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि ये सुधार उद्योगों के विकास, रोजगार विस्तार और श्रमिक कल्याण इन तीनों को एक साथ नई दिशा देंगे। इस अवसर पर डॉ एमके शन्मुगा सुंदरम, प्रमुख सचिव, श्रम एवं सेवायोजन, उत्तर प्रदेश। कुणाल सिल्कू, विशेष सचिव, श्रम एवं सेवायोजन, उत्तर प्रदेश। संदीप गुप्ता, निदेशक बॉयलर, उत्तर प्रदेश। कल्पना श्रीवास्तव, अपर श्रम आयुक्त, लखनऊ क्षेत्र। शमीम अख्तर, उप श्रम आयुक्त उत्तर प्रदेश। पंकज राणा, उप श्रमायुक्त, उत्तर प्रदेश। अजय मिश्रा, उप श्रम आयुक्त, उत्तर प्रदेश आदि अधिकारी मौजूद रहे।

एक करोड़ पचास लाख रुपए की हेरोइन के साथ तीन तस्कर गिरफ्तार

लखनऊ । गोरखपुर की एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स ने विभूतिखंड पुलिस के सहयोग से राजधानी लखनऊ के विभूतिखंड क्षेत्र स्थित शहीद पथ के पास रविवार को तीन तस्करों को गिरफ्तार किया है। इनकी अर्टिगा कार से साढ़े पांच सौ ग्राम हेरोइन, चार मोबाइल फोन व 8900 रूपए की नकदी बरामद हुई है। विभूतिखंड से तीनों तस्करों को एएनटीएफ ने दबोचा एंटी नारकोटिक्स के अपर पुलिस महानिरीक्षक के निर्देशन में अपराध और अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स के निरीक्षक रमेश राम की टीम और विभूतिखंड पुलिस की संयुक्त टीम ने रविवार को मुखबिर की सूचना पर शहीद पथ से कुछ दूरी पर अर्टिगा कार में रखकर मादक पदार्थ (हेरोइन ) लेकर कहीं सप्लाई करने जा रहे तीन तस्करों बाराबंकी जिले के जैतपुर थाना क्षेत्र स्थित उस्मा टिकरा गांव निवासी अनस पुत्र इरशाद, उपरोक्त निवासी नासिर अली पुत्र आबिद व गोसाईगंज क्षेत्र स्थित तिकनिया मऊ गांव निवासी मोहम्मद अर्सलान को पकड़ने में कामयाबी हासिल की है। गांव टिकरा एक बार फिर सुर्खियों में वहीं मादक पदार्थ की तस्करी करने में गांव टिकरा फिलहाल काफी दिनों से चर्चा में है रहता चला आ रहा है। गौर करें तो पिछले कुछ दशकों से लेकर आज तक बड़े-बड़े तस्करों को पकड़ कर पुलिस ने सलाखों के पीछे भेजा, लेकिन यह गोरखधंधा बंद होने का नाम नहीं ले रहा है। तीन तस्करों की गिरफ्तारी के बाद एक बार फिर टिकरा सुर्खियों में है। एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स के निरीक्षक रमेश राम के मुताबिक इनके पास से साढ़े पांच सौ ग्राम अवैध हेरोइन बरामद हुई है, जिसकी अन्तर्राष्ट्रीय बाजार में कीमत एक करोड़ पचास लाख रुपए बताई जा रही है।पुलिस इनके खिलाफ मुकदमा दर्ज कर विभूतिखंड थाने में दाखिल किया है। पुलिस मामले की छानबीन कर रही है।
मानव जीवन में सफलता का विज्ञान है गीता : सुरेश दूबे

- रजत जयंती समारोह को भव्य बनाने में गीता गोष्ठी परिवार ने झोंकी ताकत

गोण्डा। मानव की जीवन शैली में सात्विक आचरण को बढ़ावा देकर श्रीमद्भागवत गीता सफलता का मार्ग प्रशस्त करती है। गीता केवल धार्मिक संदेश देने वाला धर्म ग्रंथ नही बल्कि जीवन में सफलता का महा विज्ञान है। 

 मालवीय नगर में स्थित रामेश्वरम मंदिर में रविवार को गीता गोष्ठी की साप्ताहिक गोष्ठी के उपरांत रजत जयंती समारोह के आयोजन समिति के पदाधिकारियों की बैठक को संबोधित करते हुए समारोह के संयोजक इं. सुरेश दूबे ने उक्त विचार व्यक्त किए। 14 दिसम्बर रविवार को आयोजित गीता गोष्ठी के रजत जयंती समारोह की तैयारियों की समीक्षा करते हुए संयोजक दूबे ने पदाधिकारी को दायित्व सौंपते हुए सभी से आयोजन के व्यापक प्रचार प्रसार का दायित्व सौंपा।

 गोष्ठी के संस्थापक सदस्य जनार्दन सिंह ने गोष्ठी परिवार के सदस्यों से नगर के प्रत्येक सनातनी परिवार से एक एक सदस्य को समारोह में शामिल कराने का आह्वान किया। बैठक में शामिल पांच दर्जन से अधिक पदाधिकारियों ने प्रचार प्रसार की जानकारी देते हुए नगर व निकटवर्ती ग्रामीण क्षेत्रों में आयोजन का निमंत्रण पत्रक चर घर पहुंचाने का संकल्प व्यक्त किया। 

  बैठक में धीरेंद्र प्रताप पाण्डेय, के के श्रीवास्तव चन्द्रभाल मिश्र, रमेश दूबे, उत्तम कुमार शुक्ल, राम सेवक सिंह, विजय शंकर दुर्गा प्रसाद चतुर्वेदी, विजय मिश्रा, छेदीलाल सैनी, पंकज दूबे, राम अनुज दूबे एवं अशोक जायसवाल मौजूद रहे।

तुलसीपुर में चार दिनों से आवागवन बाधित

बलरामपुर। तुलसीपुर- विगत चार दिनों से स्थानीय हनुमानगढ़ी तिराहे पर रिसाव के कारण पाइपलाइन मरम्मत के कारण आज फिर रास्ता बाधित कर दिए जाने के कारण सहालग के दिनों में मुख्य बाजार में व्यापार पूरी तरह से चौपट हो गया है जिस पर उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल के पदाधिकारियों ने रोष व्यक्त किया है।

अध्यक्ष श्याम बिहारी अग्रहरि ने कहा कि पिछले 3- 4 दिनों से सड़क खोदे जाने से रास्ता बाधित है तथा नागरिकों को पेयजल भी बड़ी मुश्किल से मिल रहा है और स्थानीय निकाय व जल निगम की आपसी खींचतान का खामियाजा पेयजल संकट के साथ बाज़ार पर भी असर देखा जा सकता है।महामन्त्री रूप चन्द्र गुप्ता ने कहा कि पेयजल की आपूर्ति सुचारू रूप से हो यह नगर पंचायत का दायित्व है लेकिन स्थानीय निकाय मात्र जल निगम पर दोषारोपण ही कर रहा है।इस व्यवधान के लिए जवाबदेही दोनों संस्थाओं व उनके प्रबंधकों की है।

आज जल कल सुपरवाइजर ने बताया है कि खराब पाइपलाइन को हटाकर उसकी जगह दूसरी पाइप डाली जा रही है जिसे जल्द ही पूरा कर पेयजल की आपूर्ति निर्बाध रूप से की जाएगी।राधेश्याम चौरसिया,रिज़वान बबलू,अरविंद गुप्ता,अफ़ज़ाल,जय सिंह,विक्की गुप्ता,शिव कुमार,अमित गुप्ता आदि ने पेयजल संकट के निदान की मांग की है।

गया में अजातशत्रु होटल में सामूहिक रूप से सुना गया प्रधानमंत्री मोदी का 118वां ‘मन की बात’ कार्यक्रम

गया: गया जिले के गया जी विधानसभा क्षेत्र स्थित अजातशत्रु होटल में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 118वें ‘मन की बात’ कार्यक्रम का सामूहिक श्रवण उत्साहपूर्ण माहौल में आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम का नेतृत्व भारतीय जनता पार्टी के वरिष्ठ नेता एवं पूर्व मंत्री डॉ. प्रेम कुमार ने किया। बड़ी संख्या में भाजपा कार्यकर्ता, समर्थक और क्षेत्र के सम्मानित नागरिक उपस्थित होकर प्रधानमंत्री के प्रसारण को ध्यानपूर्वक सुनते रहे।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने संबोधन में देशहित, सामाजिक जिम्मेदारी, आत्मनिर्भरता, पर्यावरण संरक्षण और स्वदेशी अभियान को आगे बढ़ाने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि भारत तभी तेजी से आगे बढ़ सकता है जब हर नागरिक ‘भारत में बने उत्पादों’ को प्राथमिकता देने की आदत विकसित करे। प्रधानमंत्री ने विशेष रूप से अपील की कि “हम जो भी सामान खरीदें, वह भारत में बना हो और भारतीय श्रम तथा तपस्या से तैयार हुआ हो।” साथ ही उन्होंने राष्ट्र निर्माण में युवा शक्ति, महिला सशक्तिकरण और सामाजिक समरसता को महत्वपूर्ण आधार बताया।

कार्यक्रम के उपरांत अपने संबोधन में डॉ. प्रेम कुमार ने कहा कि प्रधानमंत्री के विचार न केवल प्रेरणादायी हैं, बल्कि देश को आत्मनिर्भर भारत की दिशा में मजबूती से आगे बढ़ाने वाले हैं। उन्होंने कहा कि आज देश का प्रत्येक नागरिक स्वदेशी अपनाकर भारत की अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाने का संकल्प ले रहा है। डॉ. प्रेम कुमार ने ‘मन की बात’ को जनता और प्रधानमंत्री के बीच संवाद का अनूठा माध्यम बताते हुए कहा कि यह कार्यक्रम लोगों में राष्ट्रभक्ति, सकारात्मक सोच और कर्तव्य भावना का संचार करता है।

उन्होंने सभी उपस्थित लोगों से प्रधानमंत्री के संदेशों को जन-जन तक पहुँचाने का आह्वान किया और कहा कि स्वदेशी के साथ-साथ समाज सेवा, पर्यावरण संरक्षण तथा राष्ट्रीय एकता को भी जीवन का मूल मंत्र बनाना चाहिए। इस अवसर पर अनेक भाजपा नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे, जिनमें अनिल कुमार, राजेंद्र प्रसाद अधिवक्ता, राजनंदन प्रसाद गांधी, ऋषि लोहानी, राजेश मस्तान, गुंजन मिश्रा, मनीष कुमार, सोनू, डॉ. जे. खान, दीपू कुमार, दीपक चंद्रवंशी, उपेंद्र कुमार सिंह, पंकज लोहानी, जितेंद्र कुमार, महेंद्र प्रसाद, विवेक चंद्रवंशी, वेद प्रकाश सुमन, लाडो लड्डू सिंह, नीतीश कुमार और दीनानाथ प्रसाद सहित कई अन्य लोग शामिल थे। सभी ने आत्मनिर्भर भारत के संकल्प को दोहराते हुए ‘मन की बात’ कार्यक्रम को सफल बनाया।

यातायात माह नवम्बर 2025 का भव्य समापन समारोह सम्पन्न

संजय द्विवेदी, प्रयागराज।पुलिस लाइन प्रयागराज में 01 नवम्बर से 30 नवम्बर 2025 तक चले यातायात जागरूकता अभियान का भव्य समापन समारोह आज अत्यन्त गरिमामय वातावरण में सम्पन्न हुआ।इस अवसर पर मुख्य अतिथि पुलिस आयुक्त जोगेन्द्र कुमार (आईपीएस)एवं विशिष्ट अतिथि के रूप में एन.कोलांची (अपर पुलिस आयुक्त)डॉ.अजय पाल शर्मा(अपर पुलिस आयुक्त कानून व्यवस्था)मनीष कुमार (पुलिस उपायुक्त नगर)कुलदीप गुनावत(पुलिस उपायुक्त गंगानगर)विवेक चन्द यादव(पुलिस उपायुक्त यमुनानगर)एवं नीरज कुमार पाण्डेय(पुलिस उपायुक्त यातायात)की गरिमामयी उपस्थिति रही।

कार्यक्रम में व्यापार मण्डल के पदाधिकारी एनसीसी के छात्र-छात्राएं वरिष्ठ समाजसेवी रघुनाथ द्विवेदी(अध्यक्ष टेम्पो-टैक्सी यूनियन)उत्तर प्रदेश अपराध निरोधक समिति के वाइस चेयरमैन आर.एस.वर्मा (सेवानिवृत्त आईएएस पूर्व सचिव उत्तर प्रदेश सरकार) सहित समिति के अनेक पदाधिकारी व सदस्य उपस्थित थे।समापन समारोह के दौरान उत्तर प्रदेश अपराध निरोधक समिति के सचिव सन्तोष कुमार ने समिति का प्रतिनिधित्व करते हुए अपना प्रेरणादायी सम्बोधन दिया।उन्होने बताया कि यह अभियान सिर्फ औपचारिक कार्यक्रम नही बल्कि समाज में यातायात अनुशासन नारी सुरक्षा मिशन शक्ति तथा साइबर अपराध से बचाव को लेकर एक सशक्त जन- आन्दोलन रहा।

उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि वर्ष 2017-18 में जोगेन्द्र कुमार प्रयागराज में एसएसपी पद पर कार्यरत थे तब भी समिति को उनके मार्गदर्शन का लाभ मिला था आज भी उनका व उनके अधीनस्थ अधिकारियो का मार्गदर्शन व आशीर्वाद मिल रहा है।इस अभियान के तहत जनपद की समस्त तहसीलो ब्लॉकों एवं नगरीय क्षेत्रो में स्थित 265 विद्यालयो में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित हुए।थाना प्रभारियो एवं यातायात विभाग के निरीक्षक अमित कुमार उपनिरीक्षक इन्द्रपाल वर्मा व उनकी टीम के सहयोग से कुल 12,780 जागरूकता शपथ- पत्र भरवाए गए जिन्हे मुख्य अतिथि एवं विशिष्ट अतिथियों को औपचारिक रूप से सौंपा गया।

उक्त भव्य समापन कार्यक्रम का संचालन डॉ.रंजना त्रिपाठी उप-प्राचार्य कन्या पी.जी.कॉलेज प्रयागराज द्वारा अत्यन्त सरल प्रभावशाली एवं सराहनीय रूप में किया गया।समिति की ओर से योगदान देने वालो में प्रमुख रूप से अजीत कुमार सिन्हा लक्ष्मीकांत मिश्रा(एडवोकेट- विधि सलाहकार) संजय उपाध्याय आर.ए. फारुकी रामबाबू सिंह मनीष विश्वकर्मा राकेश शर्मा प्रेमचंद स्वर्णकार जितेन्द्र श्रीवास्तव संदीप सोनी विशाल श्रीवास्तव प्रशांत सिंह सुधीर प्रजापति बलवंत विश्वकर्मा राज सिंह राजेश निषाद अर्जुन सिंह देवेन्द्र विश्वकर्मा वकार अहमद अंसारी शाहिद अहमद खान योगेश चौरसिया गौरव विश्वकर्मा अनुराग सिंह राजन विश्वकर्मा संगम प्रजापति कमलेश मौर्य नवीन जायसवाल अक्षय जैन गजानन जैन हरविंदर सिंह विमल सक्सेना रुपेश यादव मोहम्मद जीशान नोनीहाल सहित अनेक सदस्यो ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। 

लगातार एक माह तक आयोजित कार्यक्रमो के संचालन में हसन-ए-नकवी (सचिव पर्यावरण प्रकोष्ठ) की विशेष भूमिका रही।प्रचार- प्रसार एवं व्यवस्थाओं में शोएब आलम (जनसम्पर्क अधिकारी)अशोक सिंह (प्रकाशन सचिव)प्रियंका पाराशर(महिला प्रकोष्ठ प्रभारी)अंकित सिंह(नोडल प्रभारी गंगानगर)नरेन्द्र कुमार कपीश मिश्रा नरेन्द्र देव मिश्र (कोरांव थाना कमेटी प्रभारी) मेजर सुनील कुमार निषाद बी.के.श्रीवास्तव(रेलवे प्रकोष्ठ प्रभारी)अरुण कुमार शुक्ल रूपेश जैन निसार अहमद कयामुद्दीन मोहम्मद आफताब मोहम्मद जावेद मोहसिन मनीष कुमार विश्वकर्मा सहित सभी सहयोगियों का योगदान सराहनीय रहा।प्रयागराज में किए गए इस उत्कृष्ट एवं प्रभावशाली कार्य को देखते हुए चेयरमैन कमलेश श्रीवास्तव वाइस चेयरमैन आर.एस.वर्मा (सेवानिवृत्त आईएएस)समिति के संरक्षक न्यायमूर्ति राजीव लोचन मेहरोत्रा वाइस चेयरमैन एवं प्रयागराज के महापौर उमेश चन्द्र गणेश केसरवानी तथा पुलिस आयुक्त अपर पुलिस आयुक्त एवं तीनो पुलिस उपायुक्त एवं यातायात विभाग के नोडल प्रभारी पुष्कर वर्मा (आईपीएस)द्वारा समिति के समस्त सदस्यो पदाधिकारियो व सहयोगियो को शुभकामनाएं प्रदान की गई।यह अभियान जन-जागरूकता अनुशासन एवं सुरक्षा के प्रति समाज में नई चेतना जागृत हुई।

झोलाछाप डॉक्टर की लापरवाही के कारण महिला एवं नवजात बच्चे की गई जान

परिजनों के हंगामे के बाद स्थानीय विधायक और पुलिस प्रशासन मौके पर पहुंचे।

रफीगंज के महादेव हॉस्पिटल में महिला एवं नवजात के मृत्यु के बाद परिजनों हंगामा खड़ा कर दिया। सूचना पाकर स्थानीय विधायक एवं पुलिस प्रशासन के लोग मौके पर पहुंच मामले को शांत करवाया। इस मामले में मृतक महिला के पति महुआइन गाँव निवासी अखिलेश चौधरी द्वारा रफीगंज थाने में प्राथमिकी दर्ज करवाई गई है। दिए गए आवेदन में उल्लेख किया गया है कि मैं अपनी पत्नी शोभा देवी (उम्र लगभग 27 वर्ष) को प्रसव के लिए 27 नवंबर 2025 को दोपहर रफीगंज के सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया था। सरकारी अस्पताल में डॉक्टर लालजी यादव और एक ANM द्वारा जाँच के बाद बताया गया कि मरीज की स्थिति ठीक' है, और प्रसव सामान्य हो जाएगा, जिसमें थोड़ा समय लगेगा। इसी बीच ललीता देवी ने उन्हें सरकारी अस्पताल में प्रसव ठीक से न होने की बात कहकर 'महादेव अस्पताल' जाने की सलाह दी।पति अखिलेश चौधरी का कहना है कि उन्होंने 27 नवंबर की पूरी रात सरकारी अस्पताल में इंतजार किया, लेकिन वहाँ किसी डॉक्टर या नर्स ने उनकी पत्नी को कोई इलाज नहीं दिया। आशा कार्यकर्ता की सलाह पर परिवार ने अपनी मरीज को 28 नवंबर 2025 को दोपहर महादेव अस्पताल में भर्ती कराया। महादेव अस्पताल में डॉ. महादेव यादव और अवकाश प्राप्त ANM राधा देवी ने कथित तौर पर परिजनों को बताया कि मरीज की स्थिति ठीक नहीं है और जितनी जल्दी हो सके, ऑपरेशन कराना होगा। ऑपरेशन से पहले उनसे ₹30,000 जमा करने के लिए कहा गया।परिजनों ने तुरंत ₹30,000 जमा कर दिए, जिसके बाद शोभा देवी का ऑपरेशन किया गया। ऑपरेशन के थोड़ी देर बाद डॉक्टर ने परिजनों को बताया कि महिला और नवजात दोनों सीरियस हैं।

डॉ महादेव द्वारा कासमा रोड स्थित मां बच्चा अस्पताल में हमारे बच्चे को साथ ले जाकर भर्ती करवाया गया। जहां बच्चा अस्पताल के डॉ विकास कुमार द्वारा बताया गया कि बच्चा सीरियस है 20 हजार रुपए जमा करें। इसके कुछ देर बाद बताया गया कि बच्चे की स्थिति ठीक नहीं है रेफर करना होगा। जब बच्चे को देखा तो वो मृत अवस्था में पड़ा हुआ था। दूसरी तरफ डॉ महादेव के द्वारा एंबुलेंस बुलाकर हमारे परिजन के साथ मेरी पत्नी को गयाजी के किसी अस्पताल में भेज दिया गया तथा डॉ महादेव एवं स्टाफ सभी अस्पताल छोड़कर फरार हो गए।

सूत्रों के अनुसार महिला और नवजात की मौत की खबर मिलते ही परिजनों का गुस्सा भड़क उठा और उन्होंने अस्पताल परिसर में हंगामा शुरू कर दिया। परिजनों ने डॉक्टर और आशा कार्यकर्ता पर लापरवाही और गुमराह करने का आरोप लगाते हुए कड़ी कार्रवाई की मांग की है। सूचना पाकर रफीगंज विधायक प्रमोद कुमार सिंह मौके पर पहुंचे और उन्होंने औरंगाबाद डीएम श्रीकांत शास्त्री से फोन पर बातचीत कर रफीगंज में चल रहा है अवैध क्लिनिको पर छापा मारने की बात कही। तथा इस मामले में निष्पक्ष जांच करते हुए डॉक्टर पर कड़ी से कड़ी कार्रवाई करने कि बात कही।

जिला निर्वाचन अधिकारी पुनरीक्षण अभियान के तहत महबूब अली इण्टर कालेज.द्वारिका प्रसाद गर्ल्स इण्टर कालेज व बूथो का किया निरीक्षण।

संजय द्विवेदी प्रयागराज।जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा के द्वारा रविवार को मतदाता सूची के विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण अभियान के तहत बीएलओं के द्वारा किए जा रहे एसआईआर फार्मो के वितरण कलेक्शन एवं डिजिटाइज़ेशन के कार्यो का निरीक्षण करने महबूब अली इण्टर कालेज द्वारिका प्रसाद गर्ल्स इण्टर कालेज पहुंचे।जिलाधिकारी ने वहां पर बूथों का स्थलीय निरीक्षण करते हुए कार्य की प्रगति का जायज़ा लिया तथा सभी संबंधित अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिये।जिलाधिकारी ने निरीक्षण के दौरान सभी मतदाताओं से जल्द से जल्द अपना फार्म बीएलओं को उपलब्ध कराये जाने का अनुरोध भी किया। उन्होंने निरीक्षण के दौरान उपस्थित लोगो से कहा कि सभी मतदाता अपनी जिम्मेदारियों को समझते हुए बीएलओ को शीघ्रता से फार्म भर कर उपलब्ध करा दे जिससे कि समय से फार्म की फीडिंग करायी जा सके।उन्होंने कहा कि जिन मतदाताओं के द्वारा सम्बंधित बीएलओ के बार-बार विजिट के बावजूद भी अभी तक फार्म भरकर उन्हे उपलब्ध नही कराया है अथवा फार्म भरने के कार्य में अपेक्षित सहयोग भी नही किया जा रहा है ऐसे मतदाताओं का नाम आलेख सूची में नहीं आ पाएगा इसलिये सभी लोग जल्द से जल्द फॉर्म भरकर उपलब्ध करा दे।उन्होने कहा कि लोग अपना फॉर्म ऑनलाइन माध्यम से भी भर सकते हैं इसलिये यदि कोई किसी कार्यवश घर से बाहर है तो वे ऑनलाइन पंजीरकण कर फार्म सबमिट कर दे।सम्बंधित बीएलओ के द्वारा जांच कर फार्म पर अग्रिम कार्यवाही की जायेगी।इस अवसर पर सम्बन्धित अधिकारीगण उपस्थित रहें।

सभापति अशोक अग्रवाल के सभापतित्व में विधान परिषद की‘‘याचिका समिति’’की बैठक सम्पन्न।

जनता की समस्याओ का निस्तारण कराना हमारी शीर्ष प्राथमिकता होनी चाहिए- सभापति।

संजय द्विवेदी प्रयागराज।सभापति अशोक अग्रवाल के सभापतित्व में रविवार को संगम सभागार में प्रयागराज कौशाम्बी व फतेहपुर के सम्बंधित अधिकारीगणो के साथ विधान परिषद की याचिका समिति की बैठक आयोजित की गयी।सर्वप्रथम जिलाधिकारी प्रयागराज मनीष कुमार वर्मा ने सभापति विधान परिषद सदस्यो को अंगवस्त्र व मोमेण्टो भेट कर उनका स्वागत किया।बैठक में लोक निर्माण विभाग माध्यमिक शिक्षा विभाग नगर विकास विभाग ग्राम विकास विभाग पंचायती राज विभाग ऊर्जा विभाग सहित अन्य विभागो के प्रकरणो की समीक्षा की गयी।बैठक में सभापति ने समय- समय पर उठाए गए जनहित के प्रकरणो से सम्बन्धित विषयो की अद्यतन स्थिति पर विस्तार से चर्चा की।समिति ने विद्युत विभाग के अधिकारियो से कहा कि बिजली बिल राहत योजना 2025 सरकार की प्रमुख योजना है।उन्होने पूछा कि प्रयागराज में ऐसे कितने बेसिक स्कूल है जहां पर अभी तक विद्युत कनेक्शन नही हुआ है उनका सत्यापन करते हुए वहा पर विद्युत कनेक्शन की कार्यवाही कराये जाने के लिए कहा है।समिति की बैठक में नगर निगम से सम्बंधित विभिन्न निर्माण कार्यो पार्क के सौन्दर्यीकरण आदि के सम्बन्ध में नगर आयुक्त सीलम सांई तेजा से समिति ने जानकारी प्राप्त की।समिति द्वारा नगर निगम के कार्यो पर सन्तोष व्यक्त किया गया।समिति द्वारा सम्बंधित अधिकारियो को निर्देशित किया।प्रभावी सभापति ने कहा कि जनता की समस्याओ का निस्तारण कराना हमारी शीर्ष प्राथमिकता होनी चाहिए।उन्होने कहा कि सभी सम्बंधित अधिकारीगण सरकार की संचालित योजनाओ से आमजनमानस को लाभान्वित कराये।इसके लिए हम सभी लोगो को तत्परता के साथ कार्य करना चाहिए।सभापति ने कहा कि सभी याचिकाएं जनता से जुड़ी होती है हम सभी की जिम्मेदारी है कि उक्त याचिकाओ पर गम्भीरतापूर्वक विचार करके कार्य पूरा कराएं तथा निस्तारण सुनिश्चित करे।बैठक के अन्त में जिलाधिकारी प्रयागराज मनीष कुमार वर्मा ने धन्यवाद ज्ञापित करते हुए सभापति एवं समिति के अन्य सदस्यो को आश्वस्त किया कि आज बैठक में समिति द्वारा दिये गये निर्देशो का अनुपालन सुनिश्चित कराया जायेगा।इस अवसर पर विधान परिषद सदस्य सुरेन्द्र चौधरी के0पी0श्रीवास्तव सचिव रविन्द्र भाई पटेल.मुख्य विकास अधिकारीगण सहित सम्बंधित जिलो के अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

सभापति अशोक अग्रवाल के सभापतित्व में विधान परिषद की‘‘याचिका समिति’’की बैठक सम्पन्न।

जनता की समस्याओ का निस्तारण कराना हमारी शीर्ष प्राथमिकता होनी चाहिए- सभापति।

संजय द्विवेदी प्रयागराज।सभापति अशोक अग्रवाल के सभापतित्व में रविवार को संगम सभागार में प्रयागराज कौशाम्बी व फतेहपुर के सम्बंधित अधिकारीगणो के साथ विधान परिषद की याचिका समिति की बैठक आयोजित की गयी।सर्वप्रथम जिलाधिकारी प्रयागराज मनीष कुमार वर्मा ने सभापति विधान परिषद सदस्यो को अंगवस्त्र व मोमेण्टो भेट कर उनका स्वागत किया।बैठक में लोक निर्माण विभाग माध्यमिक शिक्षा विभाग नगर विकास विभाग ग्राम विकास विभाग पंचायती राज विभाग ऊर्जा विभाग सहित अन्य विभागो के प्रकरणो की समीक्षा की गयी।बैठक में सभापति ने समय- समय पर उठाए गए जनहित के प्रकरणो से सम्बन्धित विषयो की अद्यतन स्थिति पर विस्तार से चर्चा की।समिति ने विद्युत विभाग के अधिकारियो से कहा कि बिजली बिल राहत योजना 2025 सरकार की प्रमुख योजना है।उन्होने पूछा कि प्रयागराज में ऐसे कितने बेसिक स्कूल है जहां पर अभी तक विद्युत कनेक्शन नही हुआ है उनका सत्यापन करते हुए वहा पर विद्युत कनेक्शन की कार्यवाही कराये जाने के लिए कहा है।समिति की बैठक में नगर निगम से सम्बंधित विभिन्न निर्माण कार्यो पार्क के सौन्दर्यीकरण आदि के सम्बन्ध में नगर आयुक्त सीलम सांई तेजा से समिति ने जानकारी प्राप्त की।समिति द्वारा नगर निगम के कार्यो पर सन्तोष व्यक्त किया गया।समिति द्वारा सम्बंधित अधिकारियो को निर्देशित किया।प्रभावी सभापति ने कहा कि जनता की समस्याओ का निस्तारण कराना हमारी शीर्ष प्राथमिकता होनी चाहिए।उन्होने कहा कि सभी सम्बंधित अधिकारीगण सरकार की संचालित योजनाओ से आमजनमानस को लाभान्वित कराये।इसके लिए हम सभी लोगो को तत्परता के साथ कार्य करना चाहिए।सभापति ने कहा कि सभी याचिकाएं जनता से जुड़ी होती है हम सभी की जिम्मेदारी है कि उक्त याचिकाओ पर गम्भीरतापूर्वक विचार करके कार्य पूरा कराएं तथा निस्तारण सुनिश्चित करे।बैठक के अन्त में जिलाधिकारी प्रयागराज मनीष कुमार वर्मा ने धन्यवाद ज्ञापित करते हुए सभापति एवं समिति के अन्य सदस्यो को आश्वस्त किया कि आज बैठक में समिति द्वारा दिये गये निर्देशो का अनुपालन सुनिश्चित कराया जायेगा।इस अवसर पर विधान परिषद सदस्य सुरेन्द्र चौधरी के0पी0श्रीवास्तव सचिव रविन्द्र भाई पटेल.मुख्य विकास अधिकारीगण सहित सम्बंधित जिलो के अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।

29 पुराने श्रम कानूनों का एकीकरण, देशभर में लागू हुई चार संहिताएँ

* श्रम मंत्री अनिल राजभर ने दी नई श्रम संहिताओं की विस्तृत जानकारी * 1228 धाराएँ घटकर 480, श्रम कानूनों में ऐतिहासिक सरलीकरण * निरीक्षण व्यवस्था ऑनलाइन, रैंडमाइज्ड सिस्टम से इंस्पेक्टर राज समाप्त * न्यूनतम वेतन सभी क्षेत्रों पर लागू, वेतन भुगतान दो दिन में अनिवार्य * 300+ कर्मचारियों वाले प्रतिष्ठानों में बंदी/छंटनी के लिए राज्य की अनुमति अनिवार्य लखनऊ। लोक भवन स्थित मीडिया सेंटर में आयोजित प्रेस वार्ता में श्रम एवं सेवायोजन मंत्री अनिल राजभर ने बताया कि भारत सरकार द्वारा 29 पुराने श्रम अधिनियमों को एकीकृत करते हुए मजदूरी संहिता 2019, सामाजिक सुरक्षा संहिता 2020, औद्योगिक संबंध संहिता 2020 तथा उपजीविकाजन्य सुरक्षा, स्वास्थ्य एवं कार्यदशा संहिता 2020 को लागू कर दिया गया है। उन्होंने कहा कि यह सुधार देश की श्रम व्यवस्था को सरल, पारदर्शी और आधुनिक बनाते हुए श्रमिकों को सुरक्षा, सम्मान और समयबद्ध सेवाएँ उपलब्ध कराएंगे। नई संहिताएं 21 नवम्बर 2025 से पूरे देश में प्रभावी हो चुकी हैं। मंत्री राजभर ने बताया कि इन सुधारों से श्रम कानूनों की जटिलता में ऐतिहासिक रूप से कमी आई है। पहले जहाँ 1228 धाराएँ थीं, अब उनकी संख्या घटाकर 480 की गई है। 1436 नियमों के स्थान पर केवल 351 नियम लागू किए गए हैं। 84 रजिस्टरों की जगह मात्र 8 रजिस्टर और 31 रिटर्न के स्थान पर एकल रिटर्न की व्यवस्था कर दी गई है। इससे नियोक्ताओं का अनुपालन बोझ कम होगा और श्रमिकों के हितों का संरक्षण अधिक प्रभावी तरीके से हो सकेगा। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संदेश का उल्लेख करते हुए मंत्री ने कहा कि ये संहिताएँ युवाओं, महिलाओं, गिग वर्कर्स और सभी श्रमिकों के जीवन में स्थिरता व सुरक्षा सुनिश्चित करेंगी और आर्थिक वृद्धि को नई गति देंगी। उन्होंने बताया कि पारदर्शिता बढ़ाने के लिए निरीक्षण व्यवस्था को पूरी तरह ऑनलाइन कर दिया गया है। रैंडमाइज्ड निरीक्षण प्रणाली से अब इंस्पेक्टर राज की अवधारणा समाप्त होगी और निरीक्षक की भूमिका सुविधा प्रदाता के रूप में विकसित होगी। किसी भी प्रथम उल्लंघन की स्थिति में नियोक्ता अधिकतम जुर्माने के 50 प्रतिशत का भुगतान कर उपशमन प्राप्त कर सकते हैं, जिससे अनावश्यक अभियोजन नहीं होगा। इससे ईज ऑफ डूइंग बिजनेस को बढ़ावा मिलेगा और उद्योगों को अनावश्यक विवादों से राहत मिलेगी। मजदूरी संहिता की चर्चा करते हुए मंत्री राजभर ने कहा कि वेतन की परिभाषा को एकीकृत किया गया है और न्यूनतम वेतन अब सभी संगठित और असंगठित क्षेत्रों पर लागू होगा। वेतन भुगतान की समय-सीमा को अनिवार्य किया गया है और सेवा समाप्ति या त्यागपत्र की स्थिति में दो दिनों के भीतर सभी देयक का भुगतान सुनिश्चित किया गया है। ओवरटाइम के लिए दोगुने वेतन का प्रावधान, वेतन से कटौती की अधिकतम सीमा 50 प्रतिशत, तथा सभी कर्मचारियों को वेज-स्लिप देना अब अनिवार्य किया गया है, जिससे वेतन व्यवस्था पूरी तरह पारदर्शी बनेगी। सामाजिक सुरक्षा संहिता की जानकारी देते हुए उन्होंने कहा कि पहली बार गिग और प्लेटफॉर्म वर्कर्स को वैधानिक रूप से परिभाषित कर सामाजिक सुरक्षा के दायरे में लाया गया है। इनके कल्याण के लिए कोष का निर्माण किया जाएगा, जिसमें सरकार के साथ एग्रीगेटर्स भी अपने टर्नओवर का 1–2 प्रतिशत योगदान करेंगे। फिक्स्ड टर्म कर्मचारियों को स्थायी कर्मचारियों के समान लाभ तथा एक वर्ष की सेवा पर ग्रेच्युटी का अधिकार मिलेगा। श्रमजीवी पत्रकारों के लिए ग्रेच्युटी पात्रता अवधि पाँच वर्ष से घटाकर तीन वर्ष की गई है। सामान्य नागरिकों को राहत देते हुए निजी आवास निर्माण सीमा को बढ़ाकर 50 लाख किया गया है। औद्योगिक संबंध संहिता के बारे में मंत्री राजभर ने बताया कि इसमें तीन अधिनियमों को मिलाकर एक आधुनिक और स्पष्ट व्यवस्था बनाई गई है। 300 से अधिक कर्मचारियों वाले प्रतिष्ठानों में छंटनी या बंदी हेतु राज्य सरकार की अनुमति अनिवार्य होगी। सामूहिक अवकाश को भी हड़ताल की परिभाषा में शामिल कर दिया गया है और 14 दिन की पूर्व सूचना के बिना किसी भी प्रकार की हड़ताल, तालाबंदी या अवकाश प्रतिषिद्ध होगा। उद्योगों और श्रमिकों के बीच समन्वय बढ़ाने हेतु शिकायत परितोष समिति, वार्ताकारी परिषद तथा दो सदस्यीय औद्योगिक अधिकरण का गठन किया गया है। उपजीविकाजन्य सुरक्षा, स्वास्थ्य एवं कार्यदशा संहिता की चर्चा करते हुए मंत्री राजभर ने बताया कि 13 पुराने कानूनों को समाप्त कर एक व्यापक और एकीकृत ढांचा तैयार किया गया है। इसमें कारखाने, बागान, खदान, पत्रकारिता, भवन निर्माण तथा सेवा क्षेत्र में कार्यरत कर्मचारियों के लिए सुरक्षा, स्वास्थ्य, स्वच्छता, कार्य घंटों और कार्यस्थल की उपयुक्तता संबंधी सभी प्रावधानों को आधुनिक रूप में लागू किया गया है। सभी प्रतिष्ठानों को अपने श्रमिकों का वार्षिक स्वास्थ्य परीक्षण कराना और उसकी रिपोर्ट उपलब्ध कराना अनिवार्य किया गया है। मंत्री राजभर ने कहा कि राज्य सरकार स्थानीय स्तर पर करियर केंद्र स्थापित करेगी, जहाँ रोजगार चाहने वाले युवाओं का डेटा संकलन, परामर्श, काउंसलिंग और रोजगार मेले आयोजित किए जाएंगे। सम्पूर्ण पंजीकरण, आवेदन और पत्राचारथ प्रक्रिया अब पूर्णतः इलेक्ट्रॉनिक माध्यम से होगी। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि ये सुधार उद्योगों के विकास, रोजगार विस्तार और श्रमिक कल्याण इन तीनों को एक साथ नई दिशा देंगे। इस अवसर पर डॉ एमके शन्मुगा सुंदरम, प्रमुख सचिव, श्रम एवं सेवायोजन, उत्तर प्रदेश। कुणाल सिल्कू, विशेष सचिव, श्रम एवं सेवायोजन, उत्तर प्रदेश। संदीप गुप्ता, निदेशक बॉयलर, उत्तर प्रदेश। कल्पना श्रीवास्तव, अपर श्रम आयुक्त, लखनऊ क्षेत्र। शमीम अख्तर, उप श्रम आयुक्त उत्तर प्रदेश। पंकज राणा, उप श्रमायुक्त, उत्तर प्रदेश। अजय मिश्रा, उप श्रम आयुक्त, उत्तर प्रदेश आदि अधिकारी मौजूद रहे।

एक करोड़ पचास लाख रुपए की हेरोइन के साथ तीन तस्कर गिरफ्तार

लखनऊ । गोरखपुर की एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स ने विभूतिखंड पुलिस के सहयोग से राजधानी लखनऊ के विभूतिखंड क्षेत्र स्थित शहीद पथ के पास रविवार को तीन तस्करों को गिरफ्तार किया है। इनकी अर्टिगा कार से साढ़े पांच सौ ग्राम हेरोइन, चार मोबाइल फोन व 8900 रूपए की नकदी बरामद हुई है। विभूतिखंड से तीनों तस्करों को एएनटीएफ ने दबोचा एंटी नारकोटिक्स के अपर पुलिस महानिरीक्षक के निर्देशन में अपराध और अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स के निरीक्षक रमेश राम की टीम और विभूतिखंड पुलिस की संयुक्त टीम ने रविवार को मुखबिर की सूचना पर शहीद पथ से कुछ दूरी पर अर्टिगा कार में रखकर मादक पदार्थ (हेरोइन ) लेकर कहीं सप्लाई करने जा रहे तीन तस्करों बाराबंकी जिले के जैतपुर थाना क्षेत्र स्थित उस्मा टिकरा गांव निवासी अनस पुत्र इरशाद, उपरोक्त निवासी नासिर अली पुत्र आबिद व गोसाईगंज क्षेत्र स्थित तिकनिया मऊ गांव निवासी मोहम्मद अर्सलान को पकड़ने में कामयाबी हासिल की है। गांव टिकरा एक बार फिर सुर्खियों में वहीं मादक पदार्थ की तस्करी करने में गांव टिकरा फिलहाल काफी दिनों से चर्चा में है रहता चला आ रहा है। गौर करें तो पिछले कुछ दशकों से लेकर आज तक बड़े-बड़े तस्करों को पकड़ कर पुलिस ने सलाखों के पीछे भेजा, लेकिन यह गोरखधंधा बंद होने का नाम नहीं ले रहा है। तीन तस्करों की गिरफ्तारी के बाद एक बार फिर टिकरा सुर्खियों में है। एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स के निरीक्षक रमेश राम के मुताबिक इनके पास से साढ़े पांच सौ ग्राम अवैध हेरोइन बरामद हुई है, जिसकी अन्तर्राष्ट्रीय बाजार में कीमत एक करोड़ पचास लाख रुपए बताई जा रही है।पुलिस इनके खिलाफ मुकदमा दर्ज कर विभूतिखंड थाने में दाखिल किया है। पुलिस मामले की छानबीन कर रही है।