देवघर-नरेंद्र मोदी के 12 साल बेमिसाल को लेकर कार्यशाला आयोजित किया गया।
देवघर: आज भारतीय जनता पार्टी भाजपा जिला कार्यालय, देवघर, में मोदी जी के 12 साल बेमिसाल, विकास, विश्वास और जनकल्याण को लेकर जिला कार्यशाला किया गया। कार्यशाला का अध्यक्षता भाजपा जिला अध्यक्ष सचिन रवानी ने किया। कार्यशाला में मुख्य रूप से जिला प्रभारी  यदुनंदन पाठक उपस्थित हुए। कार्यशाला में सचिन रवानी ने कहा देश की जनता ने जिस तरह भरोसा और विश्वास के साथ नरेंद्र मोदी को देश का प्रधानमंत्री बनाया उसे भरोसा और विश्वास को 12 साल निरंतर अपने समय का पल-पल और शरीर का कण-कण इस देश को समर्पित किया है ।इसके लिए हम सभी कार्यकर्ताओं को गर्व है। पूरे 12 साल उपलब्धि भर रहा। 2014 से पहले कांग्रेसियों की सरकार में देशवासियोंको बुनियादी सुविधा यह नहीं पहुंच पाती थी कहीं बिजली नहीं, कहीं पानी नहीं, गरीबों को पक्का मकान नहीं, इलाज की सुविधा नहीं, और योजना बिचोलियों के हाथ। लेकिन जैसे ही गरीब का बेटा देश का प्रधानमंत्री बना उसने पहले संबोधन में ही संकल्प लिया कि मैं अपनी पूरी कार्यकाल देश की गरीब,दलित ,पीड़ित शोषित ,मजदूर,किसान, युवा, महिलाओं के लिए समर्पित रहेगा और उन्होंने 12 साल के कार्यकाल में करके दिखाने का काम किया है चाहे वह प्रति व्यक्ति 5 किलो राशन,प्रधानमंत्री आवास,उज्जवला गैस योजना, आयुष्मान भारत योजना, स्वच्छता अभियान,हर घर शौचालय अभियान, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि,प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना, नल से जल योजना, देवघर में एम्स ,हवाई अड्डा, रिंग रोड, रेलवे स्टेशन का कायाकल्प, ऐसे जनकल्याणकारी कार्यों इस 12 साल के कार्यकाल में करने का काम किया। और ऐतिहासिक कार्य जैसे अयोध्या में राम मंदिर का निर्माण ,कश्मीर से 370 धारा हटाना महिला आरक्षण बिल, तीन तलाक जैसे महत्वपूर्ण ऐतिहासिक कार्य करने का काम किया है। जिला प्रभारी यदुनंदन पाठक ने कहा की 12 साल के जन कल्याणकारी योजना को हम लोगों को जन-जन तक पहुंचाने की आवश्यकता है और राज्य की हेमंत सोरेन की भ्रष्ट सरकार का नाकामी को भी हम लोग जनता के बीच ले जाएंगे। 5 जून से 20 जून तक मोदी जी के सरकार की उपलब्धियां को तरह-तरह के कार्यक्रम के माध्यम से बताने का काम किया जाएगा ।5 जून को विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर एक पेड़ मां के नाम एवं 21 जून को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर योग दिवस प्रखंड स्तर पर कार्यक्रम किया जाएगा। कार्यक्रम का संचालन जिला महामंत्री अभयानंद झा ने किया मौके पर संजीव जजवाड़े,रीता चौरसिया, सुनीता सिंह, पंकज सिंह भदोरिया, मुकेश पाठक, मनोज मिश्रा, संतोष मुर्मू,सुलोचना देवी,अलका सोनी धनंजय तिवारी, बलवीर राय प्रहलाद यादव सोना धारी झा संजय गुप्ता निरंजन देव गंगाधर मंडल सुमित रवानी काशी मंडल शांति देवी सुनील मंडल संतोष सिंह रामनारायण राय दिगंबर पांडे मनोहर चौधरी अनूप भैया रवि रवानी कृष्ण पोद्दार मोहन कुमार उमेश यादव आदि पदाधिकारी कार्यकर्ता उपस्थित हुए
उपायुक्त हेमन्त सती ने लोक नायक जयप्रकाश केन्द्रीय कारा, खुला जेल सह पुनर्वास केंद्र एवं निर्माणाधीन शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज परिसर का किया निरीक

उपायुक्त हेमन्त सती ने सोमवार को लोक नायक जयप्रकाश नारायण केन्द्रीय कारा, हजारीबाग का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने संपूर्ण जेल परिसर का भ्रमण कर वहां की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस अवसर पर जेल अधीक्षक सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित थे।

केन्द्रीय कारा का निरीक्षण

निरीक्षण के क्रम में उपायुक्त ने मुलाकाती कक्ष पहुंचकर कैदियों के परिजनों से बातचीत की तथा कैदियों के लिए लाई जा रही सामग्रियों की जांच प्रक्रिया का अवलोकन किया। उन्होंने कारा परिसर में संचालित पारा लीगल सेल के वॉलेंटियर से बातचीत कर कैदियों को उपलब्ध कराई जा रही विधिक सेवाओं की जानकारी प्राप्त की।

उपायुक्त ने जेल के विभिन्न वार्डों का निरीक्षण करते हुए पेयजल व्यवस्था, शौचालय, शेड, सीसीटीवी सर्विलांस रूम, वॉच टावर एवं सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की। उन्होंने होमगार्ड जवानों के कार्यों का भी जायजा लिया। इसके अलावा जेल परिसर के भीतर संचालित प्रिंटिंग प्रेस, फाइल मैन्युफैक्चरिंग यूनिट, हैंडलूम एवं पावरलूम इकाई का निरीक्षण कर वहां संचालित गतिविधियों की जानकारी ली। उन्होंने कारा के किचेन, अस्पताल वार्ड तथा दवाओं की उपलब्धता की भी जांच की और आवश्यक निर्देश दिए।

हजारीबाग खुला जेल सह पुनर्वास केंद्र का निरीक्षण

इसके उपरांत उपायुक्त ने हजारीबाग खुला जेल सह पुनर्वास केंद्र का भी निरीक्षण किया। यहां उन्होंने सजायाफ्ता कैदियों से बातचीत कर उनकी आवश्यकताओं की जानकारी ली। सभी कैदियों के आधार कार्ड निर्माण की स्थिति की समीक्षा की। परिसर में स्थित पशु शेड का निरीक्षण किया गया। इस दौरान कैदियों ने पशुपालन के क्षेत्र में प्रशिक्षण की इच्छा व्यक्त की, जिस पर उपायुक्त ने शीघ्र प्रशिक्षण की व्यवस्था कराने का आश्वासन दिया।

निर्माणाधीन मेडिकल कॉलेज अस्पताल का निरीक्षण

अपने भ्रमण के क्रम में उपायुक्त श्री हेमन्त सती ने निर्माणाधीन शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल परिसर का भी निरीक्षण किया। उन्होंने वहां चल रहे निर्माण कार्यों की अद्यतन स्थिति का अवलोकन किया। मौके पर उपस्थित मेडिकल कॉलेज अस्पताल के प्राचार्य को आवश्यक निर्देश दिए तथा कार्यकारी एजेंसी को निर्माण कार्य में तेजी लाने को कहा। साथ ही मेडिकल कॉलेज के संपूर्ण मानचित्र एवं प्रगति से संबंधित बिंदुओं के साथ विस्तृत बैठक आयोजित करने का निर्देश दिया।

पुराने समाहरणालय भवन परिसर का भ्रमण

इसके पश्चात उपायुक्त ने पुराने जिला समाहरणालय परिसर का भ्रमण कर वहां स्थित पुराने एवं निष्क्रिय भवनों की वर्तमान उपयोगिता एवं संभावित उपयोग के संबंध में जानकारी प्राप्त की तथा संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

उपायुक्त ने कहा कि निरीक्षण का उद्देश्य व्यवस्थाओं की समीक्षा कर आवश्यक सुधारात्मक कार्रवाई सुनिश्चित करना है।

पटना हाई कोर्ट के अधिवक्ता प्रमोद कुमार सिंह के द्वारा लिखित पुस्तक बेसिक नॉलेज फॉर क्रिमिनल प्रेक्टिस का आज विमोचन किया गया





पटना हाई कोर्ट के अधिवक्ता प्रमोद कुमार सिंह के द्वारा लिखित पुस्तक बेसिक नॉलेज फॉर क्रिमिनल प्रेक्टिस का आज विमोचन किया गया
पुस्तक जूनियर वकीलों के लिए लाभदायक है इसका सहारा लेकर जूनियर वकील कोर्ट में प्रैक्टिस कर सकते हैं प्रमोद कुमार सिंह ने बताया कि इसमें स्टेप बाय स्टेप कानून की जानकारी दी गई है fir दर्ज होने के बाद किस तरह से प्रोसेस बाय प्रोसेस बढ़ा जाए वह तमाम जानकारियां इसमें दी गई है।पुस्तक विमोचन समारोह में पटना उच्च न्यायालय एडवोकेट एसोसिएशन के अधिवक्ता सह महासचिव जयशंकर प्रसाद के अलावा अधिवक्ता अमित कुमार अधिवक्ता कमलेश कुमार राणा बलजीत सिंह ,भानु प्रिया मौजूद थे यह पुस्तक खासकर के नए अधिवक्ताओं के लिए लिखी गई है।
शौचालय जाने के विवाद में पिता और घरवालों ने बेटे को पीट-पीटकर मार डाला, बचाने गई पत्नी गंभीर रूप से घायल
पत्नी रेनू भी हमले में घायल हो गई

शाम को भी महिलाओं के बीच हुआ था विवाद

इतनी तेज किया वार कि सीने में धंस गई लकड़ी


अयोध्या ।यूपी के अयोध्या में सोमवार की सुबह 04:45 बजे शौचालय के इस्तेमाल को लेकर हुए पारिवारिक विवाद ने खूनी रूप ले लिया। आरोप है कि माता-पिता, भाई और बहन ने मिलकर राधेश्याम यादव (30) की पीट-पीटकर हत्या कर दी, जबकि उनकी पत्नी रेनू यादव गंभीर रूप से घायल हो गई। पुलिस ने मृतक की पत्नी की तहरीर पर चारों आरोपियों के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया है।घटना कैंट थाना क्षेत्र के ककरही बाजार की है। यहां के निवासी मौजीलाल यादव के आमने-सामने दो मकान बने हैं। एक मकान में उनका बड़ा बेटा राधेश्याम यादव अपनी पत्नी रेनू और 10 साल के बेटे के साथ रहता था। जबकि, सामने बने दूसरे मकान में वह अपनी पत्नी मीना देवी, छोटे व अविवाहित बेटे घनश्याम यादव के साथ रहते हैं।

दोनों परिवारों के बीच राधेश्याम के घर में बने शौचालय के उपयोग को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा था। सोमवार की भोर में मौजीलाल उसी मकान में शौच के लिए गए थे। वहां राधेश्याम ने उन्हें रोक लिया। इसे लेकर दोनों के बीच कहासुनी शुरू हो गई। विवाद बढ़ने पर घनश्याम, मीना और घनश्याम की जनौरा निवासी बहन अनीता मौके पर पहुंच गए। आरोप है कि चारों ने मिलकर राधेश्याम पर चारपाई की पट्टी और डंडों से हमला कर दिया। हमले में वह गंभीर रूप से घायल हो गए। बीच-बचाव करने पहुंचीं उनकी पत्नी रेनू भी हमले की शिकार हो गईं। इससे उनके हाथ और पैर में गंभीर चोटें आईं। मोहल्लेवासियों की मदद से घायलों को जिला अस्पताल ले जाया गया। वहां चिकित्सकों ने राधेश्याम को मृत घोषित कर दिया गया। रेनू का इलाज चल रहा है। घटना के बाद एसपी सिटी चक्रपाणि त्रिपाठी, सीओ सिटी श्रीयश त्रिपाठी, थाना प्रभारी संदीप सिंह मौके पर आए।

फोरेंसिक टीम के साथ घटनास्थल का जायजा लेकर साक्ष्य एकत्र किए। परिजनों और स्थानीय लोगों से पूछताछ की गई। सीओ सिटी ने बताया कि रेनू की तहरीर पर मौजीलाल, घनश्याम, मीना और अनीता के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करके उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया है। मामले की जांच की जा रही है।

स्थानीय लोगों के अनुसार, बाप-बेटे में लंबे समय से विवाद था। तारापुर रजौली स्थित एक जमीन के बंटवारे को लेकर भी उनमें कहासुनी हुई थी। रविवार की शाम को महिलाओं में इन्हीं बातों को लेकर विवाद हुआ था। सूत्रों के अनुसार, हसनू कटरा चौकी की पुलिस भी शाम को मौके पर आई थी और दोनों पक्षों को समझा-बुझाकर शांत कराया था, लेकिन सुबह तक यह विवाद खूनी संघर्ष में बदल गया।प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, राधेश्याम के सीने, हाथ व शरीर के अन्य हिस्सों में चोट के निशान थे। आरोपियों ने गुस्से में इतनी तेज वार किए कि उनके सीने में लकड़ी धंस गई। माना जा रहा है कि इसी वजह से उनकी मौत हो गई। घटना के बाद मोहल्ले में मातमी सन्नाटा पसर गया। सुरक्षा की दृष्टि से पुलिस बल तैनात कर दिया गया। वहीं, में ही चिकित्सकों के पैनल ने वीडियोग्राफी की निगरानी में शव का पोस्टमार्टम किया।
मुख्यमंत्री ने 1682 मेधावी विद्यार्थियों, अभिभावकों और प्रधानाचार्यों को किया सम्मानित
* सफलता अंत नहीं, नई शुरुआत है; लक्ष्य तय कर आगे बढ़ें विद्यार्थी : गुलाब देवी

लखनऊ। प्रदेश के मेधावी विद्यार्थियों को सम्मानित करते हुए माध्यमिक शिक्षा राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) गुलाब देवी ने कहा कि परीक्षा में मिली सफलता जीवन का अंतिम पड़ाव नहीं, बल्कि नए अवसरों और चुनौतियों की शुरुआत है। उन्होंने विद्यार्थियों से लक्ष्य निर्धारित कर निरंतर परिश्रम करने का आह्वान किया।
लोक भवन सभागार, लखनऊ में आयोजित सम्मान समारोह में मंत्री ने कहा कि लाखों परीक्षार्थियों के बीच उत्कृष्ट स्थान प्राप्त करना विद्यार्थियों के कठिन परिश्रम, अनुशासन और दृढ़ संकल्प का परिणाम है। उन्होंने कहा कि सफलता के लिए समय का सदुपयोग और लक्ष्य के प्रति अडिग प्रतिबद्धता आवश्यक है तथा “संकल्प में विकल्प नहीं होना चाहिए।”
मंत्री ने अभिभावकों की भूमिका को विद्यार्थियों की सफलता की आधारशिला बताते हुए कहा कि बच्चों की उपलब्धियों में माता-पिता के त्याग, संघर्ष और समर्पण का बड़ा योगदान होता है। उन्होंने अभिभावकों से बच्चों के साथ मित्रवत व्यवहार अपनाने और तकनीक व मोबाइल के संतुलित एवं सकारात्मक उपयोग के प्रति जागरूक रहने की अपील की।
गुलाब देवी ने शिक्षकों से भी विद्यार्थियों के लिए प्रेरणास्रोत बनने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि शिक्षक का आचरण, व्यवहार और कार्यशैली विद्यार्थियों के व्यक्तित्व निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है, इसलिए शिक्षकों को अपने दायित्वों का निर्वहन पूर्ण निष्ठा और समर्पण के साथ करना चाहिए।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के मार्गदर्शन में माध्यमिक शिक्षा विभाग लगातार नए मानक स्थापित कर रहा है। यूपी बोर्ड परीक्षा-2026 पूरी तरह नकलविहीन, पारदर्शी और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। प्रदेश में कहीं भी प्रश्नपत्र लीक या समयपूर्व खोले जाने की घटना सामने नहीं आई, जो शिक्षा व्यवस्था की बड़ी उपलब्धि है।
मंत्री ने बताया कि प्रोजेक्ट अलंकार के तहत राजकीय, सहायता प्राप्त और संस्कृत विद्यालयों में आधारभूत सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है। साथ ही राजकीय विद्यालयों में आईसीटी लैब और स्मार्ट क्लास की सुविधाएं विकसित की जा रही हैं, ताकि विद्यार्थियों को आधुनिक तकनीक आधारित शिक्षा मिल सके। व्यावसायिक शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए प्रदेश के 18 राजकीय माध्यमिक विद्यालयों में ड्रीम लैब स्थापित करने की प्रक्रिया भी शुरू की जा रही है।

उन्होंने बताया कि प्रदेश स्तरीय समारोह में विभिन्न बोर्डों के 223 राज्य स्तरीय मेधावी विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया, जबकि जनपद स्तर पर यूपी बोर्ड परीक्षा-2026 में शीर्ष 10 स्थान प्राप्त करने वाले 1459 विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया। इस प्रकार कुल 1682 छात्र-छात्राओं, उनके अभिभावकों एवं प्रधानाचार्यों को सम्मानित किया गया।
समारोह के अंत में मंत्री ने मुख्यमंत्री के प्रति आभार व्यक्त करते हुए मेधावी विद्यार्थियों को शुभकामनाएं दीं और उनसे अपनी उपलब्धि को नई ऊंचाइयों तक पहुंचने की प्रेरणा के रूप में लेने का आह्वान किया।
पूर्व केंद्रीय मंत्री सुबोध कांत सहाय को देवघर-राज्यसभा प्रत्याशी घोषित करने राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे एवं लोकसभा में प्रतिपक्ष के ने
देवघर: 1 जून झारखंड प्रदेश इंटक के प्रदेश सचिव अजय कुमार, देवघर जिला इंटक के जिला अध्यक्ष अनंत मिश्रा, कांग्रेस नेता नंदकिशोर दास, शैलेश मिश्रा, शंकर दास, देवघर जिला इंटक के उपाध्यक्ष सुखदेव दुबे, चंद्रशेखर सिंह, मौलाना रियासत अंसारी, सीताराम सिंह इंटक के जिला महासचिव अंजलि देवी, रामानंद सिंह, सोहन केसरी, जिला इंटक के सचिव प्रभु दास, आशुतोष पासवान एवं कैलाश रजक ने पूर्व केंद्रीय मंत्री सुबोध कांत सहाय को पार्टी की ओर से राज्यसभा प्रत्याशी घोषित करने की मांग राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे एवं लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी से की है। इंटक एवं कांग्रेस के नेताओं ने कहा कि श्री सहाय राज्यसभा में जाकर पूरे राज्य के क्षेत्र की समस्याओं और विकास से जुड़े मुद्दों को राष्ट्रीय स्तर पर मजबूती से उठाएंगे क्योंकि वह पूरे राज्य के क्षेत्र की समस्याओं को करीब से समझते हैं और जनता के बीच उनकी मजबूत पकड़ भी है। इंटक एवं कांग्रेस के नेताओं ने कहा कि यह कहने में कोई अतिशयोक्ति नहीं की पूरे राज्य की शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क, रोजगार और युवाओं से जुड़े मुद्दों को श्री सहाय जैसे मजबूत भरोसेमंद और सक्रिय नेता जब राज्यसभा में उठाएंगे तो इस राज्य को एक नई दिशा मिलेगी परिणाम स्वरूप राज्य का चौमुखी विकास होगा। अजय कुमार प्रदेश सचिव झारखंड प्रदेश इंटक
12 जिलों के 14 गांवों में चकबंदी प्रक्रिया पूरी, 3 गांव चकबंदी से किए गए पृथक

* लंबित मामलों के निस्तारण को तेज़ी, 45 वर्षों से अटकी चकबंदी प्रक्रिया भी हुई पूर्ण


लखनऊ। उत्तर प्रदेश में लंबित चकबंदी मामलों के निस्तारण के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत 12 जनपदों के 14 गांवों में चकबंदी प्रक्रिया पूर्ण कर दी गई है, जबकि 3 गांवों को चकबंदी प्रक्रिया से पृथक किए जाने का निर्णय लिया गया है।
मुख्यमंत्री के निर्देशों के क्रम में चकबंदी आयुक्त डॉ. हृषिकेश भास्कर यशोद ने जनपदीय अधिकारियों को लंबित गांवों में अभियान चलाकर चकबंदी कार्य शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए थे। इसी क्रम में विभिन्न जिलों में चौपालों और मौके पर निरीक्षण के माध्यम से लंबित मामलों का समाधान किया जा रहा है।
सोमवार को चकबंदी आयुक्त ने 12 जिलों के 14 गांवों में चल रही चकबंदी प्रक्रिया को उत्तर प्रदेश जोत चकबंदी अधिनियम की धारा 52(1) के तहत स्वीकृति प्रदान करते हुए प्रक्रिया पूर्ण करने के आदेश जारी किए।चकबंदी प्रक्रिया पूर्ण करने के प्रस्ताव कन्नौज, बिजनौर, सहारनपुर, प्रयागराज, प्रतापगढ़, सीतापुर, सिद्धार्थनगर, देवरिया, बरेली, गोरखपुर, सुल्तानपुर और मुरादाबाद जनपदों के जिलाधिकारियों एवं बंदोबस्त अधिकारियों की ओर से प्रस्तुत किए गए थे, जिन्हें चकबंदी आयुक्त ने प्रख्यापित कर मंजूरी दी।

इनमें कई गांव वर्षों से चकबंदी प्रक्रिया की प्रतीक्षा में थे। जनपद कन्नौज का अकबरपुर गांव 45 वर्षों से, बिजनौर का कस्बा झालू 37 वर्षों से, सहारनपुर का डालामजरा 37 वर्षों से तथा प्रयागराज का राजेपुर मय सराय अरजानी गांव 34 वर्षों से चकबंदी प्रक्रियाधीन था। सघन निगरानी और प्रशासनिक प्रयासों के चलते इन गांवों में भी चकबंदी प्रक्रिया पूरी कराई गई। वहीं, जनपद हरदोई के टैनी, चित्रकूट के कौडर (कुन्दर) तथा अयोध्या के माफा रामपुर हलवारा गांवों को चकबंदी अधिनियम की धारा 6(1) के अंतर्गत चकबंदी प्रक्रिया से पृथक कर दिया गया है।
चकबंदी विभाग का कहना है कि लंबित गांवों में अभियान जारी रहेगा और शेष मामलों के शीघ्र निस्तारण के लिए प्रशासनिक स्तर पर सतत निगरानी की जा रही है।
सौर ऊर्जा में यूपी ने रचा नया इतिहास, पीएम सूर्य घर उत्कृष्टता पुरस्कार से सम्मानित
* मंत्री ए.के. शर्मा के नेतृत्व में राष्ट्रीय स्तर पर बढ़ा उत्तर प्रदेश का गौरव, लखनऊ बना देश का पहला जिला जहां एक लाख से अधिक रूफटॉप सोलर इंस्टॉलेशन

लखनऊ। उत्तर प्रदेश ने सौर एवं अक्षय ऊर्जा क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल करते हुए राष्ट्रीय स्तर पर अपनी अग्रणी पहचान मजबूत की है। भारत सरकार के नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय द्वारा नई दिल्ली में आयोजित कार्यक्रम “पीएम सूर्य घर के दो वर्ष : एक करोड़ रूफटॉप तक सौर ऊर्जा का विस्तार” के दौरान उत्तर प्रदेश को “पीएम सूर्य घर उत्कृष्टता पुरस्कार” के लिए चयनित किया गया है।

नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए.के. शर्मा ने इस उपलब्धि को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के मार्गदर्शन में किए गए सतत प्रयासों का परिणाम बताया। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश आज अक्षय ऊर्जा विकास के क्षेत्र में देश के लिए मॉडल राज्य बनकर उभरा है और ऊर्जा आत्मनिर्भरता की दिशा में तेज़ी से आगे बढ़ रहा है।

मंत्री ने बताया कि पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत प्रदेश में अब तक 9.91 लाख से अधिक आवेदन प्राप्त हुए हैं, जिनमें से 5.57 लाख से अधिक रूफटॉप सोलर संयंत्र स्थापित किए जा चुके हैं। इससे 5.64 लाख से अधिक परिवारों को लाभ मिला है तथा प्रदेश में 1,888 मेगावाट से अधिक रूफटॉप सौर क्षमता विकसित हुई है।

उन्होंने बताया कि लाभार्थियों को अब तक 3,602 करोड़ रुपये से अधिक की केंद्रीय सब्सिडी तथा 1,200 करोड़ रुपये से अधिक की राज्य सहायता प्रदान की जा चुकी है। उत्तर प्रदेश देश का पहला राज्य बना है जिसने PM Surya Ghar Stakeholders Monitoring State Dashboard विकसित कर योजना की रियल-टाइम निगरानी और पारदर्शी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया है। प्रदेश में वर्तमान में प्रतिदिन करीब 2,000 रूफटॉप सोलर इंस्टॉलेशन किए जा रहे हैं और 6,000 से अधिक पंजीकृत वेंडरों के साथ उत्तर प्रदेश देश में अग्रणी स्थिति में है। विशेष उपलब्धि के रूप में लखनऊ देश का पहला जिला बन गया है, जहां योजना के तहत एक लाख से अधिक रूफटॉप सोलर इंस्टॉलेशन पूरे किए गए हैं। ए.के. शर्मा ने कहा कि प्रदेश में सौर ऊर्जा कारोबार बढ़कर 36 से 40 करोड़ रुपये प्रतिदिन तक पहुंच गया है, जिससे 70 हजार से अधिक प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार सृजित हुए हैं। इसके अलावा 9,200 सरकारी भवनों पर 247 मेगावाट, जल जीवन मिशन के तहत लगभग 900 मेगावाट तथा 691 वाणिज्यिक एवं औद्योगिक भवनों पर 220 मेगावाट सौर क्षमता स्थापित की जा चुकी है।

सौर ऊर्जा के साथ-साथ उत्तर प्रदेश अन्य अक्षय ऊर्जा कार्यक्रमों में भी देश में अग्रणी बना हुआ है। सीबीजी (कंप्रेस्ड बायोगैस) क्षेत्र में 38 संयंत्रों के माध्यम से 284 टन प्रतिदिन उत्पादन क्षमता के साथ प्रदेश देश में प्रथम स्थान पर है। वहीं पीएम-कुसुम सी-1 योजना के अंतर्गत 7,821 संयंत्रों की स्थापना कर किसानों को स्वच्छ और किफायती ऊर्जा उपलब्ध कराई जा रही है।मंत्री ने इस उपलब्धि के लिए यूपीनेडा, ऊर्जा विभाग, विद्युत वितरण निगमों, अधिकारियों, कर्मचारियों और सभी हितधारकों को बधाई देते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश हरित ऊर्जा, ऊर्जा सुरक्षा और विकसित भारत के लक्ष्य को साकार करने के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रहा है।
डीएम की अध्यक्षता में हुई जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक
रितेश मिश्रा
हरदोई आज जिलाधिकारी अनुनय झा की अध्यक्षता में जिला स्वास्थ्य समिति की समीक्षा बैठक विवेकानन्द सभागार में आयोजित हुई। बैठक में जिला स्तर पर विभिन्न स्वास्थ्य कार्यक्रमों, स्वास्थ्य संकेतकों की अद्यतन स्थिति एवं प्रगति पर बिंदुवार समीक्षा की गयी। बैठक में मुख्य चिकित्साधिकारी द्वारा एजेंडा बिंदु सहित विभिन्न स्वास्थ्य कार्यक्रमों की अद्यतन स्थिति एवं लक्ष्य के सापेक्ष प्रगति से अगवत कराया गया। जिलाधिकारी ने स्वास्थ एवं चिकित्सा सहित सम्बंधित विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिया है कि स्वास्थ्य कार्यक्रमों के क्रियान्वयन में कदापि लापरवाही न बरती जाए, बच्चों एवं गर्भवती महिलाओं का रूटीन टीकाकरण, बच्चों में कुपोषण के स्थिति की जांच आदि की विभागीय स्तर पर नियमित समीक्षा की जाए। स्वास्थ्य सेवाओं की समीक्षा के दौरान उन्होंने जननी सुरक्षा योजना के व्यवस्थित संचालन, ग्रामीण स्तर पर कार्यरत स्वास्थ्य कार्यकत्रियों जैसे-आशा एवं ए0एन0एम0 की कार्य प्रणाली, संस्थागत प्रसव आदि से सम्बंधित समस्त चिकित्साधिकारियों को निर्देशित किया कि स्वास्थ्य विभाग द्वारा संचालित जितनी भी सेवाओं/योजनाओं का संबंध ग्रामीण स्तर पर कार्यरत स्वास्थ्य कार्यकत्रियों (आशा/एएनएम) से है उसकी समीक्षा अनिवार्य रूप से सम्बंधित चिकित्साधिकारीगण एक-एक आशा/एएनएम के सापेक्ष सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य योजनाओं/कार्यक्रमों के संचालन एवं आउटपुट की सतर्क मॉनीटरिंग भी की जाए। उन्होंने समस्त चिकित्सा अधिकारियों को निर्देशित किया कि जन्म/मृत्यु का पंजीकरण सीआरएस पोर्टल पर अनिवार्य रूप से किया जाए।
जिलाधिकारी ने कहा कि सभी चिकित्साधिकारी अपने चिकित्सालयों में मरीजों के उचित देखभाल से संबंधित बेसिक सुविधाओं जैसे-बैठने की व्यवस्था, पानी, शौचालय, व्हीलचेयर सहित अन्य चिकित्सीय उपकरणों आदि के सुचारू संचालन सुनिश्चित रखें। उन्होंने कहा कि जिला चिकित्सालय सहित जनपद के सभी सीएचसी/पीएचसी में आधारभूत सुविधाओं में यदि कोई कमी है तो उसे तत्काल सुधारने की आवश्यकता है। समीक्षा के दौरान उन्होंने पिछली बैठक में दिए गए निर्देशों की अनुपालन आख्या की भी समीक्षा की। समीक्षा के दौरान जननी सुरक्षा योजना के अंतर्गत लाभार्थियों के भुगतान की स्थिति, गर्भवती महिलाओं के संस्थागत प्रसव का आंकड़ा, ओपीडी/आईपीडी में माहवार मरीजों की संख्या के सापेक्ष दवाओं का वितरण आदि की आंकड़ेवर समीक्षा की गई। समीक्षा के दौरान आभा आईडी कार्ड की धीमी प्रगति पर नाराजगी व्यक्त करते हुये प्रगति बढाने के निर्देश दिये। जिलाधिकारी द्वारा जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक में चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, जिला क्षय रोग समिति, संचारी रोग, रेवीज़ टीकाकरण, स्नेक बाइट वैक्सीन की उपलब्धता, चिकित्सालयों में चिकित्सकों एवं दवाओं की उपलब्धता सहित मरीजों के हित में स्वास्थ्य संबंधित उपलब्ध कराई जाने वाली सेवाओं/सुविधाओं की विस्तृत समीक्षा की गई। बैठक मे जिलाधिकारी ने खराब प्रगति वाले एमओआइसी व डीपीएम को कारण बताओं नोटिस देने के निर्देश दिये। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी नेहा व्याडवाल, प्रभारी जिला सूचना अधिकारी दिव्या निगम, स्वास्थ्य संस्थानों के प्रतिनिधि सहित चिकित्सालयों के एम0ओ0आई0सी0 व अन्य सम्बंधित अधिकारी आदि उपस्थित रहे।
प्रतिबंधित हरे-भरे गूलर-नीम के पेड़ों पर चला आरा
रितेश मिश्रा
हरदोई। माधौगंज थाना क्षेत्र में प्रतिबंधित हरे-भरे पेड़ों की अवैध कटाई का मामला लगातार सामने आ रहा है। आरोप है कि वन विभाग और माधोगंज पुलिस की मिलीभगत से लकड़ी माफिया बेखौफ होकर हरियाली उजाडने पर तुले हैं। बताया गया है कि सोमवार सुबह थाना माधौगंज क्षेत्र विकासखण्ड सुरसा की ग्राम पंचायत पहुतेरा के मजरा असमा में लकड़ी माफियाओं ने प्रतिबंधित गूलर का एक,नीम के दो हरे-भरे पेड़ों को काट डाला।स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि क्षेत्र के कई गांवों में आम,गूलर और नीम जैसे प्रतिबंधित पेड़ों का लगातार कटान हो रहा है।
देवघर-नरेंद्र मोदी के 12 साल बेमिसाल को लेकर कार्यशाला आयोजित किया गया।
देवघर: आज भारतीय जनता पार्टी भाजपा जिला कार्यालय, देवघर, में मोदी जी के 12 साल बेमिसाल, विकास, विश्वास और जनकल्याण को लेकर जिला कार्यशाला किया गया। कार्यशाला का अध्यक्षता भाजपा जिला अध्यक्ष सचिन रवानी ने किया। कार्यशाला में मुख्य रूप से जिला प्रभारी  यदुनंदन पाठक उपस्थित हुए। कार्यशाला में सचिन रवानी ने कहा देश की जनता ने जिस तरह भरोसा और विश्वास के साथ नरेंद्र मोदी को देश का प्रधानमंत्री बनाया उसे भरोसा और विश्वास को 12 साल निरंतर अपने समय का पल-पल और शरीर का कण-कण इस देश को समर्पित किया है ।इसके लिए हम सभी कार्यकर्ताओं को गर्व है। पूरे 12 साल उपलब्धि भर रहा। 2014 से पहले कांग्रेसियों की सरकार में देशवासियोंको बुनियादी सुविधा यह नहीं पहुंच पाती थी कहीं बिजली नहीं, कहीं पानी नहीं, गरीबों को पक्का मकान नहीं, इलाज की सुविधा नहीं, और योजना बिचोलियों के हाथ। लेकिन जैसे ही गरीब का बेटा देश का प्रधानमंत्री बना उसने पहले संबोधन में ही संकल्प लिया कि मैं अपनी पूरी कार्यकाल देश की गरीब,दलित ,पीड़ित शोषित ,मजदूर,किसान, युवा, महिलाओं के लिए समर्पित रहेगा और उन्होंने 12 साल के कार्यकाल में करके दिखाने का काम किया है चाहे वह प्रति व्यक्ति 5 किलो राशन,प्रधानमंत्री आवास,उज्जवला गैस योजना, आयुष्मान भारत योजना, स्वच्छता अभियान,हर घर शौचालय अभियान, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि,प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना, नल से जल योजना, देवघर में एम्स ,हवाई अड्डा, रिंग रोड, रेलवे स्टेशन का कायाकल्प, ऐसे जनकल्याणकारी कार्यों इस 12 साल के कार्यकाल में करने का काम किया। और ऐतिहासिक कार्य जैसे अयोध्या में राम मंदिर का निर्माण ,कश्मीर से 370 धारा हटाना महिला आरक्षण बिल, तीन तलाक जैसे महत्वपूर्ण ऐतिहासिक कार्य करने का काम किया है। जिला प्रभारी यदुनंदन पाठक ने कहा की 12 साल के जन कल्याणकारी योजना को हम लोगों को जन-जन तक पहुंचाने की आवश्यकता है और राज्य की हेमंत सोरेन की भ्रष्ट सरकार का नाकामी को भी हम लोग जनता के बीच ले जाएंगे। 5 जून से 20 जून तक मोदी जी के सरकार की उपलब्धियां को तरह-तरह के कार्यक्रम के माध्यम से बताने का काम किया जाएगा ।5 जून को विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर एक पेड़ मां के नाम एवं 21 जून को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर योग दिवस प्रखंड स्तर पर कार्यक्रम किया जाएगा। कार्यक्रम का संचालन जिला महामंत्री अभयानंद झा ने किया मौके पर संजीव जजवाड़े,रीता चौरसिया, सुनीता सिंह, पंकज सिंह भदोरिया, मुकेश पाठक, मनोज मिश्रा, संतोष मुर्मू,सुलोचना देवी,अलका सोनी धनंजय तिवारी, बलवीर राय प्रहलाद यादव सोना धारी झा संजय गुप्ता निरंजन देव गंगाधर मंडल सुमित रवानी काशी मंडल शांति देवी सुनील मंडल संतोष सिंह रामनारायण राय दिगंबर पांडे मनोहर चौधरी अनूप भैया रवि रवानी कृष्ण पोद्दार मोहन कुमार उमेश यादव आदि पदाधिकारी कार्यकर्ता उपस्थित हुए
उपायुक्त हेमन्त सती ने लोक नायक जयप्रकाश केन्द्रीय कारा, खुला जेल सह पुनर्वास केंद्र एवं निर्माणाधीन शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज परिसर का किया निरीक

उपायुक्त हेमन्त सती ने सोमवार को लोक नायक जयप्रकाश नारायण केन्द्रीय कारा, हजारीबाग का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने संपूर्ण जेल परिसर का भ्रमण कर वहां की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस अवसर पर जेल अधीक्षक सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित थे।

केन्द्रीय कारा का निरीक्षण

निरीक्षण के क्रम में उपायुक्त ने मुलाकाती कक्ष पहुंचकर कैदियों के परिजनों से बातचीत की तथा कैदियों के लिए लाई जा रही सामग्रियों की जांच प्रक्रिया का अवलोकन किया। उन्होंने कारा परिसर में संचालित पारा लीगल सेल के वॉलेंटियर से बातचीत कर कैदियों को उपलब्ध कराई जा रही विधिक सेवाओं की जानकारी प्राप्त की।

उपायुक्त ने जेल के विभिन्न वार्डों का निरीक्षण करते हुए पेयजल व्यवस्था, शौचालय, शेड, सीसीटीवी सर्विलांस रूम, वॉच टावर एवं सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा की। उन्होंने होमगार्ड जवानों के कार्यों का भी जायजा लिया। इसके अलावा जेल परिसर के भीतर संचालित प्रिंटिंग प्रेस, फाइल मैन्युफैक्चरिंग यूनिट, हैंडलूम एवं पावरलूम इकाई का निरीक्षण कर वहां संचालित गतिविधियों की जानकारी ली। उन्होंने कारा के किचेन, अस्पताल वार्ड तथा दवाओं की उपलब्धता की भी जांच की और आवश्यक निर्देश दिए।

हजारीबाग खुला जेल सह पुनर्वास केंद्र का निरीक्षण

इसके उपरांत उपायुक्त ने हजारीबाग खुला जेल सह पुनर्वास केंद्र का भी निरीक्षण किया। यहां उन्होंने सजायाफ्ता कैदियों से बातचीत कर उनकी आवश्यकताओं की जानकारी ली। सभी कैदियों के आधार कार्ड निर्माण की स्थिति की समीक्षा की। परिसर में स्थित पशु शेड का निरीक्षण किया गया। इस दौरान कैदियों ने पशुपालन के क्षेत्र में प्रशिक्षण की इच्छा व्यक्त की, जिस पर उपायुक्त ने शीघ्र प्रशिक्षण की व्यवस्था कराने का आश्वासन दिया।

निर्माणाधीन मेडिकल कॉलेज अस्पताल का निरीक्षण

अपने भ्रमण के क्रम में उपायुक्त श्री हेमन्त सती ने निर्माणाधीन शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल परिसर का भी निरीक्षण किया। उन्होंने वहां चल रहे निर्माण कार्यों की अद्यतन स्थिति का अवलोकन किया। मौके पर उपस्थित मेडिकल कॉलेज अस्पताल के प्राचार्य को आवश्यक निर्देश दिए तथा कार्यकारी एजेंसी को निर्माण कार्य में तेजी लाने को कहा। साथ ही मेडिकल कॉलेज के संपूर्ण मानचित्र एवं प्रगति से संबंधित बिंदुओं के साथ विस्तृत बैठक आयोजित करने का निर्देश दिया।

पुराने समाहरणालय भवन परिसर का भ्रमण

इसके पश्चात उपायुक्त ने पुराने जिला समाहरणालय परिसर का भ्रमण कर वहां स्थित पुराने एवं निष्क्रिय भवनों की वर्तमान उपयोगिता एवं संभावित उपयोग के संबंध में जानकारी प्राप्त की तथा संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

उपायुक्त ने कहा कि निरीक्षण का उद्देश्य व्यवस्थाओं की समीक्षा कर आवश्यक सुधारात्मक कार्रवाई सुनिश्चित करना है।

पटना हाई कोर्ट के अधिवक्ता प्रमोद कुमार सिंह के द्वारा लिखित पुस्तक बेसिक नॉलेज फॉर क्रिमिनल प्रेक्टिस का आज विमोचन किया गया





पटना हाई कोर्ट के अधिवक्ता प्रमोद कुमार सिंह के द्वारा लिखित पुस्तक बेसिक नॉलेज फॉर क्रिमिनल प्रेक्टिस का आज विमोचन किया गया
पुस्तक जूनियर वकीलों के लिए लाभदायक है इसका सहारा लेकर जूनियर वकील कोर्ट में प्रैक्टिस कर सकते हैं प्रमोद कुमार सिंह ने बताया कि इसमें स्टेप बाय स्टेप कानून की जानकारी दी गई है fir दर्ज होने के बाद किस तरह से प्रोसेस बाय प्रोसेस बढ़ा जाए वह तमाम जानकारियां इसमें दी गई है।पुस्तक विमोचन समारोह में पटना उच्च न्यायालय एडवोकेट एसोसिएशन के अधिवक्ता सह महासचिव जयशंकर प्रसाद के अलावा अधिवक्ता अमित कुमार अधिवक्ता कमलेश कुमार राणा बलजीत सिंह ,भानु प्रिया मौजूद थे यह पुस्तक खासकर के नए अधिवक्ताओं के लिए लिखी गई है।
शौचालय जाने के विवाद में पिता और घरवालों ने बेटे को पीट-पीटकर मार डाला, बचाने गई पत्नी गंभीर रूप से घायल
पत्नी रेनू भी हमले में घायल हो गई

शाम को भी महिलाओं के बीच हुआ था विवाद

इतनी तेज किया वार कि सीने में धंस गई लकड़ी


अयोध्या ।यूपी के अयोध्या में सोमवार की सुबह 04:45 बजे शौचालय के इस्तेमाल को लेकर हुए पारिवारिक विवाद ने खूनी रूप ले लिया। आरोप है कि माता-पिता, भाई और बहन ने मिलकर राधेश्याम यादव (30) की पीट-पीटकर हत्या कर दी, जबकि उनकी पत्नी रेनू यादव गंभीर रूप से घायल हो गई। पुलिस ने मृतक की पत्नी की तहरीर पर चारों आरोपियों के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया है।घटना कैंट थाना क्षेत्र के ककरही बाजार की है। यहां के निवासी मौजीलाल यादव के आमने-सामने दो मकान बने हैं। एक मकान में उनका बड़ा बेटा राधेश्याम यादव अपनी पत्नी रेनू और 10 साल के बेटे के साथ रहता था। जबकि, सामने बने दूसरे मकान में वह अपनी पत्नी मीना देवी, छोटे व अविवाहित बेटे घनश्याम यादव के साथ रहते हैं।

दोनों परिवारों के बीच राधेश्याम के घर में बने शौचालय के उपयोग को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा था। सोमवार की भोर में मौजीलाल उसी मकान में शौच के लिए गए थे। वहां राधेश्याम ने उन्हें रोक लिया। इसे लेकर दोनों के बीच कहासुनी शुरू हो गई। विवाद बढ़ने पर घनश्याम, मीना और घनश्याम की जनौरा निवासी बहन अनीता मौके पर पहुंच गए। आरोप है कि चारों ने मिलकर राधेश्याम पर चारपाई की पट्टी और डंडों से हमला कर दिया। हमले में वह गंभीर रूप से घायल हो गए। बीच-बचाव करने पहुंचीं उनकी पत्नी रेनू भी हमले की शिकार हो गईं। इससे उनके हाथ और पैर में गंभीर चोटें आईं। मोहल्लेवासियों की मदद से घायलों को जिला अस्पताल ले जाया गया। वहां चिकित्सकों ने राधेश्याम को मृत घोषित कर दिया गया। रेनू का इलाज चल रहा है। घटना के बाद एसपी सिटी चक्रपाणि त्रिपाठी, सीओ सिटी श्रीयश त्रिपाठी, थाना प्रभारी संदीप सिंह मौके पर आए।

फोरेंसिक टीम के साथ घटनास्थल का जायजा लेकर साक्ष्य एकत्र किए। परिजनों और स्थानीय लोगों से पूछताछ की गई। सीओ सिटी ने बताया कि रेनू की तहरीर पर मौजीलाल, घनश्याम, मीना और अनीता के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज करके उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया है। मामले की जांच की जा रही है।

स्थानीय लोगों के अनुसार, बाप-बेटे में लंबे समय से विवाद था। तारापुर रजौली स्थित एक जमीन के बंटवारे को लेकर भी उनमें कहासुनी हुई थी। रविवार की शाम को महिलाओं में इन्हीं बातों को लेकर विवाद हुआ था। सूत्रों के अनुसार, हसनू कटरा चौकी की पुलिस भी शाम को मौके पर आई थी और दोनों पक्षों को समझा-बुझाकर शांत कराया था, लेकिन सुबह तक यह विवाद खूनी संघर्ष में बदल गया।प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, राधेश्याम के सीने, हाथ व शरीर के अन्य हिस्सों में चोट के निशान थे। आरोपियों ने गुस्से में इतनी तेज वार किए कि उनके सीने में लकड़ी धंस गई। माना जा रहा है कि इसी वजह से उनकी मौत हो गई। घटना के बाद मोहल्ले में मातमी सन्नाटा पसर गया। सुरक्षा की दृष्टि से पुलिस बल तैनात कर दिया गया। वहीं, में ही चिकित्सकों के पैनल ने वीडियोग्राफी की निगरानी में शव का पोस्टमार्टम किया।
मुख्यमंत्री ने 1682 मेधावी विद्यार्थियों, अभिभावकों और प्रधानाचार्यों को किया सम्मानित
* सफलता अंत नहीं, नई शुरुआत है; लक्ष्य तय कर आगे बढ़ें विद्यार्थी : गुलाब देवी

लखनऊ। प्रदेश के मेधावी विद्यार्थियों को सम्मानित करते हुए माध्यमिक शिक्षा राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) गुलाब देवी ने कहा कि परीक्षा में मिली सफलता जीवन का अंतिम पड़ाव नहीं, बल्कि नए अवसरों और चुनौतियों की शुरुआत है। उन्होंने विद्यार्थियों से लक्ष्य निर्धारित कर निरंतर परिश्रम करने का आह्वान किया।
लोक भवन सभागार, लखनऊ में आयोजित सम्मान समारोह में मंत्री ने कहा कि लाखों परीक्षार्थियों के बीच उत्कृष्ट स्थान प्राप्त करना विद्यार्थियों के कठिन परिश्रम, अनुशासन और दृढ़ संकल्प का परिणाम है। उन्होंने कहा कि सफलता के लिए समय का सदुपयोग और लक्ष्य के प्रति अडिग प्रतिबद्धता आवश्यक है तथा “संकल्प में विकल्प नहीं होना चाहिए।”
मंत्री ने अभिभावकों की भूमिका को विद्यार्थियों की सफलता की आधारशिला बताते हुए कहा कि बच्चों की उपलब्धियों में माता-पिता के त्याग, संघर्ष और समर्पण का बड़ा योगदान होता है। उन्होंने अभिभावकों से बच्चों के साथ मित्रवत व्यवहार अपनाने और तकनीक व मोबाइल के संतुलित एवं सकारात्मक उपयोग के प्रति जागरूक रहने की अपील की।
गुलाब देवी ने शिक्षकों से भी विद्यार्थियों के लिए प्रेरणास्रोत बनने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि शिक्षक का आचरण, व्यवहार और कार्यशैली विद्यार्थियों के व्यक्तित्व निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है, इसलिए शिक्षकों को अपने दायित्वों का निर्वहन पूर्ण निष्ठा और समर्पण के साथ करना चाहिए।
उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के मार्गदर्शन में माध्यमिक शिक्षा विभाग लगातार नए मानक स्थापित कर रहा है। यूपी बोर्ड परीक्षा-2026 पूरी तरह नकलविहीन, पारदर्शी और शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुई। प्रदेश में कहीं भी प्रश्नपत्र लीक या समयपूर्व खोले जाने की घटना सामने नहीं आई, जो शिक्षा व्यवस्था की बड़ी उपलब्धि है।
मंत्री ने बताया कि प्रोजेक्ट अलंकार के तहत राजकीय, सहायता प्राप्त और संस्कृत विद्यालयों में आधारभूत सुविधाओं का विस्तार किया जा रहा है। साथ ही राजकीय विद्यालयों में आईसीटी लैब और स्मार्ट क्लास की सुविधाएं विकसित की जा रही हैं, ताकि विद्यार्थियों को आधुनिक तकनीक आधारित शिक्षा मिल सके। व्यावसायिक शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए प्रदेश के 18 राजकीय माध्यमिक विद्यालयों में ड्रीम लैब स्थापित करने की प्रक्रिया भी शुरू की जा रही है।

उन्होंने बताया कि प्रदेश स्तरीय समारोह में विभिन्न बोर्डों के 223 राज्य स्तरीय मेधावी विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया, जबकि जनपद स्तर पर यूपी बोर्ड परीक्षा-2026 में शीर्ष 10 स्थान प्राप्त करने वाले 1459 विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया। इस प्रकार कुल 1682 छात्र-छात्राओं, उनके अभिभावकों एवं प्रधानाचार्यों को सम्मानित किया गया।
समारोह के अंत में मंत्री ने मुख्यमंत्री के प्रति आभार व्यक्त करते हुए मेधावी विद्यार्थियों को शुभकामनाएं दीं और उनसे अपनी उपलब्धि को नई ऊंचाइयों तक पहुंचने की प्रेरणा के रूप में लेने का आह्वान किया।
पूर्व केंद्रीय मंत्री सुबोध कांत सहाय को देवघर-राज्यसभा प्रत्याशी घोषित करने राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे एवं लोकसभा में प्रतिपक्ष के ने
देवघर: 1 जून झारखंड प्रदेश इंटक के प्रदेश सचिव अजय कुमार, देवघर जिला इंटक के जिला अध्यक्ष अनंत मिश्रा, कांग्रेस नेता नंदकिशोर दास, शैलेश मिश्रा, शंकर दास, देवघर जिला इंटक के उपाध्यक्ष सुखदेव दुबे, चंद्रशेखर सिंह, मौलाना रियासत अंसारी, सीताराम सिंह इंटक के जिला महासचिव अंजलि देवी, रामानंद सिंह, सोहन केसरी, जिला इंटक के सचिव प्रभु दास, आशुतोष पासवान एवं कैलाश रजक ने पूर्व केंद्रीय मंत्री सुबोध कांत सहाय को पार्टी की ओर से राज्यसभा प्रत्याशी घोषित करने की मांग राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे एवं लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी से की है। इंटक एवं कांग्रेस के नेताओं ने कहा कि श्री सहाय राज्यसभा में जाकर पूरे राज्य के क्षेत्र की समस्याओं और विकास से जुड़े मुद्दों को राष्ट्रीय स्तर पर मजबूती से उठाएंगे क्योंकि वह पूरे राज्य के क्षेत्र की समस्याओं को करीब से समझते हैं और जनता के बीच उनकी मजबूत पकड़ भी है। इंटक एवं कांग्रेस के नेताओं ने कहा कि यह कहने में कोई अतिशयोक्ति नहीं की पूरे राज्य की शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क, रोजगार और युवाओं से जुड़े मुद्दों को श्री सहाय जैसे मजबूत भरोसेमंद और सक्रिय नेता जब राज्यसभा में उठाएंगे तो इस राज्य को एक नई दिशा मिलेगी परिणाम स्वरूप राज्य का चौमुखी विकास होगा। अजय कुमार प्रदेश सचिव झारखंड प्रदेश इंटक
12 जिलों के 14 गांवों में चकबंदी प्रक्रिया पूरी, 3 गांव चकबंदी से किए गए पृथक

* लंबित मामलों के निस्तारण को तेज़ी, 45 वर्षों से अटकी चकबंदी प्रक्रिया भी हुई पूर्ण


लखनऊ। उत्तर प्रदेश में लंबित चकबंदी मामलों के निस्तारण के लिए चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत 12 जनपदों के 14 गांवों में चकबंदी प्रक्रिया पूर्ण कर दी गई है, जबकि 3 गांवों को चकबंदी प्रक्रिया से पृथक किए जाने का निर्णय लिया गया है।
मुख्यमंत्री के निर्देशों के क्रम में चकबंदी आयुक्त डॉ. हृषिकेश भास्कर यशोद ने जनपदीय अधिकारियों को लंबित गांवों में अभियान चलाकर चकबंदी कार्य शीघ्र पूरा करने के निर्देश दिए थे। इसी क्रम में विभिन्न जिलों में चौपालों और मौके पर निरीक्षण के माध्यम से लंबित मामलों का समाधान किया जा रहा है।
सोमवार को चकबंदी आयुक्त ने 12 जिलों के 14 गांवों में चल रही चकबंदी प्रक्रिया को उत्तर प्रदेश जोत चकबंदी अधिनियम की धारा 52(1) के तहत स्वीकृति प्रदान करते हुए प्रक्रिया पूर्ण करने के आदेश जारी किए।चकबंदी प्रक्रिया पूर्ण करने के प्रस्ताव कन्नौज, बिजनौर, सहारनपुर, प्रयागराज, प्रतापगढ़, सीतापुर, सिद्धार्थनगर, देवरिया, बरेली, गोरखपुर, सुल्तानपुर और मुरादाबाद जनपदों के जिलाधिकारियों एवं बंदोबस्त अधिकारियों की ओर से प्रस्तुत किए गए थे, जिन्हें चकबंदी आयुक्त ने प्रख्यापित कर मंजूरी दी।

इनमें कई गांव वर्षों से चकबंदी प्रक्रिया की प्रतीक्षा में थे। जनपद कन्नौज का अकबरपुर गांव 45 वर्षों से, बिजनौर का कस्बा झालू 37 वर्षों से, सहारनपुर का डालामजरा 37 वर्षों से तथा प्रयागराज का राजेपुर मय सराय अरजानी गांव 34 वर्षों से चकबंदी प्रक्रियाधीन था। सघन निगरानी और प्रशासनिक प्रयासों के चलते इन गांवों में भी चकबंदी प्रक्रिया पूरी कराई गई। वहीं, जनपद हरदोई के टैनी, चित्रकूट के कौडर (कुन्दर) तथा अयोध्या के माफा रामपुर हलवारा गांवों को चकबंदी अधिनियम की धारा 6(1) के अंतर्गत चकबंदी प्रक्रिया से पृथक कर दिया गया है।
चकबंदी विभाग का कहना है कि लंबित गांवों में अभियान जारी रहेगा और शेष मामलों के शीघ्र निस्तारण के लिए प्रशासनिक स्तर पर सतत निगरानी की जा रही है।
सौर ऊर्जा में यूपी ने रचा नया इतिहास, पीएम सूर्य घर उत्कृष्टता पुरस्कार से सम्मानित
* मंत्री ए.के. शर्मा के नेतृत्व में राष्ट्रीय स्तर पर बढ़ा उत्तर प्रदेश का गौरव, लखनऊ बना देश का पहला जिला जहां एक लाख से अधिक रूफटॉप सोलर इंस्टॉलेशन

लखनऊ। उत्तर प्रदेश ने सौर एवं अक्षय ऊर्जा क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल करते हुए राष्ट्रीय स्तर पर अपनी अग्रणी पहचान मजबूत की है। भारत सरकार के नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय द्वारा नई दिल्ली में आयोजित कार्यक्रम “पीएम सूर्य घर के दो वर्ष : एक करोड़ रूफटॉप तक सौर ऊर्जा का विस्तार” के दौरान उत्तर प्रदेश को “पीएम सूर्य घर उत्कृष्टता पुरस्कार” के लिए चयनित किया गया है।

नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए.के. शर्मा ने इस उपलब्धि को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के मार्गदर्शन में किए गए सतत प्रयासों का परिणाम बताया। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश आज अक्षय ऊर्जा विकास के क्षेत्र में देश के लिए मॉडल राज्य बनकर उभरा है और ऊर्जा आत्मनिर्भरता की दिशा में तेज़ी से आगे बढ़ रहा है।

मंत्री ने बताया कि पीएम सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के तहत प्रदेश में अब तक 9.91 लाख से अधिक आवेदन प्राप्त हुए हैं, जिनमें से 5.57 लाख से अधिक रूफटॉप सोलर संयंत्र स्थापित किए जा चुके हैं। इससे 5.64 लाख से अधिक परिवारों को लाभ मिला है तथा प्रदेश में 1,888 मेगावाट से अधिक रूफटॉप सौर क्षमता विकसित हुई है।

उन्होंने बताया कि लाभार्थियों को अब तक 3,602 करोड़ रुपये से अधिक की केंद्रीय सब्सिडी तथा 1,200 करोड़ रुपये से अधिक की राज्य सहायता प्रदान की जा चुकी है। उत्तर प्रदेश देश का पहला राज्य बना है जिसने PM Surya Ghar Stakeholders Monitoring State Dashboard विकसित कर योजना की रियल-टाइम निगरानी और पारदर्शी क्रियान्वयन सुनिश्चित किया है। प्रदेश में वर्तमान में प्रतिदिन करीब 2,000 रूफटॉप सोलर इंस्टॉलेशन किए जा रहे हैं और 6,000 से अधिक पंजीकृत वेंडरों के साथ उत्तर प्रदेश देश में अग्रणी स्थिति में है। विशेष उपलब्धि के रूप में लखनऊ देश का पहला जिला बन गया है, जहां योजना के तहत एक लाख से अधिक रूफटॉप सोलर इंस्टॉलेशन पूरे किए गए हैं। ए.के. शर्मा ने कहा कि प्रदेश में सौर ऊर्जा कारोबार बढ़कर 36 से 40 करोड़ रुपये प्रतिदिन तक पहुंच गया है, जिससे 70 हजार से अधिक प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार सृजित हुए हैं। इसके अलावा 9,200 सरकारी भवनों पर 247 मेगावाट, जल जीवन मिशन के तहत लगभग 900 मेगावाट तथा 691 वाणिज्यिक एवं औद्योगिक भवनों पर 220 मेगावाट सौर क्षमता स्थापित की जा चुकी है।

सौर ऊर्जा के साथ-साथ उत्तर प्रदेश अन्य अक्षय ऊर्जा कार्यक्रमों में भी देश में अग्रणी बना हुआ है। सीबीजी (कंप्रेस्ड बायोगैस) क्षेत्र में 38 संयंत्रों के माध्यम से 284 टन प्रतिदिन उत्पादन क्षमता के साथ प्रदेश देश में प्रथम स्थान पर है। वहीं पीएम-कुसुम सी-1 योजना के अंतर्गत 7,821 संयंत्रों की स्थापना कर किसानों को स्वच्छ और किफायती ऊर्जा उपलब्ध कराई जा रही है।मंत्री ने इस उपलब्धि के लिए यूपीनेडा, ऊर्जा विभाग, विद्युत वितरण निगमों, अधिकारियों, कर्मचारियों और सभी हितधारकों को बधाई देते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश हरित ऊर्जा, ऊर्जा सुरक्षा और विकसित भारत के लक्ष्य को साकार करने के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रहा है।
डीएम की अध्यक्षता में हुई जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक
रितेश मिश्रा
हरदोई आज जिलाधिकारी अनुनय झा की अध्यक्षता में जिला स्वास्थ्य समिति की समीक्षा बैठक विवेकानन्द सभागार में आयोजित हुई। बैठक में जिला स्तर पर विभिन्न स्वास्थ्य कार्यक्रमों, स्वास्थ्य संकेतकों की अद्यतन स्थिति एवं प्रगति पर बिंदुवार समीक्षा की गयी। बैठक में मुख्य चिकित्साधिकारी द्वारा एजेंडा बिंदु सहित विभिन्न स्वास्थ्य कार्यक्रमों की अद्यतन स्थिति एवं लक्ष्य के सापेक्ष प्रगति से अगवत कराया गया। जिलाधिकारी ने स्वास्थ एवं चिकित्सा सहित सम्बंधित विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिया है कि स्वास्थ्य कार्यक्रमों के क्रियान्वयन में कदापि लापरवाही न बरती जाए, बच्चों एवं गर्भवती महिलाओं का रूटीन टीकाकरण, बच्चों में कुपोषण के स्थिति की जांच आदि की विभागीय स्तर पर नियमित समीक्षा की जाए। स्वास्थ्य सेवाओं की समीक्षा के दौरान उन्होंने जननी सुरक्षा योजना के व्यवस्थित संचालन, ग्रामीण स्तर पर कार्यरत स्वास्थ्य कार्यकत्रियों जैसे-आशा एवं ए0एन0एम0 की कार्य प्रणाली, संस्थागत प्रसव आदि से सम्बंधित समस्त चिकित्साधिकारियों को निर्देशित किया कि स्वास्थ्य विभाग द्वारा संचालित जितनी भी सेवाओं/योजनाओं का संबंध ग्रामीण स्तर पर कार्यरत स्वास्थ्य कार्यकत्रियों (आशा/एएनएम) से है उसकी समीक्षा अनिवार्य रूप से सम्बंधित चिकित्साधिकारीगण एक-एक आशा/एएनएम के सापेक्ष सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य योजनाओं/कार्यक्रमों के संचालन एवं आउटपुट की सतर्क मॉनीटरिंग भी की जाए। उन्होंने समस्त चिकित्सा अधिकारियों को निर्देशित किया कि जन्म/मृत्यु का पंजीकरण सीआरएस पोर्टल पर अनिवार्य रूप से किया जाए।
जिलाधिकारी ने कहा कि सभी चिकित्साधिकारी अपने चिकित्सालयों में मरीजों के उचित देखभाल से संबंधित बेसिक सुविधाओं जैसे-बैठने की व्यवस्था, पानी, शौचालय, व्हीलचेयर सहित अन्य चिकित्सीय उपकरणों आदि के सुचारू संचालन सुनिश्चित रखें। उन्होंने कहा कि जिला चिकित्सालय सहित जनपद के सभी सीएचसी/पीएचसी में आधारभूत सुविधाओं में यदि कोई कमी है तो उसे तत्काल सुधारने की आवश्यकता है। समीक्षा के दौरान उन्होंने पिछली बैठक में दिए गए निर्देशों की अनुपालन आख्या की भी समीक्षा की। समीक्षा के दौरान जननी सुरक्षा योजना के अंतर्गत लाभार्थियों के भुगतान की स्थिति, गर्भवती महिलाओं के संस्थागत प्रसव का आंकड़ा, ओपीडी/आईपीडी में माहवार मरीजों की संख्या के सापेक्ष दवाओं का वितरण आदि की आंकड़ेवर समीक्षा की गई। समीक्षा के दौरान आभा आईडी कार्ड की धीमी प्रगति पर नाराजगी व्यक्त करते हुये प्रगति बढाने के निर्देश दिये। जिलाधिकारी द्वारा जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक में चिकित्सा स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, जिला क्षय रोग समिति, संचारी रोग, रेवीज़ टीकाकरण, स्नेक बाइट वैक्सीन की उपलब्धता, चिकित्सालयों में चिकित्सकों एवं दवाओं की उपलब्धता सहित मरीजों के हित में स्वास्थ्य संबंधित उपलब्ध कराई जाने वाली सेवाओं/सुविधाओं की विस्तृत समीक्षा की गई। बैठक मे जिलाधिकारी ने खराब प्रगति वाले एमओआइसी व डीपीएम को कारण बताओं नोटिस देने के निर्देश दिये। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी नेहा व्याडवाल, प्रभारी जिला सूचना अधिकारी दिव्या निगम, स्वास्थ्य संस्थानों के प्रतिनिधि सहित चिकित्सालयों के एम0ओ0आई0सी0 व अन्य सम्बंधित अधिकारी आदि उपस्थित रहे।
प्रतिबंधित हरे-भरे गूलर-नीम के पेड़ों पर चला आरा
रितेश मिश्रा
हरदोई। माधौगंज थाना क्षेत्र में प्रतिबंधित हरे-भरे पेड़ों की अवैध कटाई का मामला लगातार सामने आ रहा है। आरोप है कि वन विभाग और माधोगंज पुलिस की मिलीभगत से लकड़ी माफिया बेखौफ होकर हरियाली उजाडने पर तुले हैं। बताया गया है कि सोमवार सुबह थाना माधौगंज क्षेत्र विकासखण्ड सुरसा की ग्राम पंचायत पहुतेरा के मजरा असमा में लकड़ी माफियाओं ने प्रतिबंधित गूलर का एक,नीम के दो हरे-भरे पेड़ों को काट डाला।स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि क्षेत्र के कई गांवों में आम,गूलर और नीम जैसे प्रतिबंधित पेड़ों का लगातार कटान हो रहा है।