मशहूर शायर डॉ. बशीर बद्र का निधन, 91 वर्ष की उम्र में भोपाल में ली अंतिम सांस

‘दुश्मनी जमकर करो लेकिन…’ जैसे अमर शेरों से बनाई खास पहचान

भोपाल। उर्दू अदब की दुनिया के मशहूर शायर डॉ. बशीर बद्र का गुरुवार को 91 वर्ष की उम्र में भोपाल में निधन हो गया। वे लंबे समय से डिमेंशिया बीमारी से पीड़ित थे और पिछले कुछ समय से उनकी याददाश्त भी काफी कमजोर हो चुकी थी। उनके निधन से साहित्य और शायरी जगत में शोक की लहर है।

सरल, संवेदनशील और दिलों को छू लेने वाली शायरी के लिए पहचाने जाने वाले डॉ. बशीर बद्र ने हिंदी और उर्दू साहित्य को कई यादगार ग़ज़लें दीं। उनके कई ग़ज़ल संग्रह प्रकाशित हुए और उनकी रचनाओं ने देश-विदेश में बड़ी लोकप्रियता हासिल की। उनकी शायरी का पंजाबी, बंगाली, नेपाली और रूसी भाषाओं में अनुवाद की तैयारी भी चल रही थी।

बशीर बद्र का मशहूर शेर —

दुश्मनी जमकर करो लेकिन ये गुंजाइश रहे,

जब कभी हम दोस्त हो जाएं तो शर्मिंदा न हों…”

आज भी अदब प्रेमियों की जुबान पर रहता है। उनकी शायरी में मोहब्बत, रिश्ते, तन्हाई, इंसानी एहसास और सामाजिक सरोकारों की गहरी झलक मिलती थी। अपने सहज अंदाज और असरदार अल्फाज की वजह से उन्होंने आम पाठकों से लेकर साहित्यिक जगत तक खास पहचान बनाई। डॉ. बशीर बद्र के इंतकाल के साथ उर्दू शायरी का एक महत्वपूर्ण दौर जैसे थम सा गया है।

भदोही में बकरीद की नमाज अदा:56 ईदगाह, 125 मस्जिदों में शांतिपूर्ण ढंग से मनाया गया पर्व, पुलिस बल तैनात

रिपोर्ट -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। भदोही जिले में बृहस्पतिवार को बकरीद का त्यौहार शांतिपूर्ण माहौल में मनाया गया।जिले के कुल 56 ईदगाह और 125 मस्जिदों में सुबह 7.30 बजे से बकरीद की नमाज अदा की गई। इस दौरान सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। मुस्लिम समुदाय के लोग सुबह से ही निर्धारित ईदगाहों और मस्जिदों में पहुंचने लगे थे। नमाज अदा करने के बाद लोगों ने एक - दुसरे को गले मिलकर बकरीद की बधाई दी।
त्योहार के मद्देनजर जिले भर के सभी ईदगाहों और मस्जिदों में भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया। भदोही नगर में जिलाधिकारी शैलेश कुमार और पुलिस अधीक्षक अभिनव त्यागी ने ईदगाहों व मस्जिदों का निरीक्षण किया। उन्होंने ड्यूटी पर तैनात अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए और मुस्लिम समुदाय के लोगों को बकरीद की शुभकामनाएं भी दी। जिले के भदोही, ज्ञानपुर,औराई,घोसिया, गोपीगंज, सुरियावां, दुर्गागंज, कोइरौना सहित कई अन्य स्थानों पर भी बकरीद की नमाज अदा की गई। मस्जिदों के मौलानाओं द्वारा पूर्व निर्धारित समय पर नमाज अदा कराई गई। नमाजियों के अमन- चैन और देश की खुशहाली के लिए दुआएं मांगी।
दवा लेने जा रहे युवक को पीटा सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल

जनपद फर्रुखाबाद के थाना अमृतपुर क्षेत्र के गांव रतनपुर पमारान में उस समय भगदड़ मच गई। जब युवक सुबह दवा लेने के लिए रोहित पुत्र सर्वेश निवासी अमैयापुर पश्चिमी की तबियत खराब होने पर अपनी दवा लेने के लिए। गाँव से 1 किलो मीटर दूर रतनपुर के लिए आ रहा था।तभी पहले से घात लगाए बैठे रतनपुर पमारान निवासी संजय पुत्र रामपाल  ने युवक को रतनपुर बाजार के पास पुलिया पर घेर लिया और उसके साथ मार पीट करने लगे।जहां पर कभी संख्या ने भीड़ एकत्रित हो गई। बीचबचाव के दौरान युवक दोनों के चोट आई। जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल।
जानकारी के मुताबिक इस दोनों युवकों के बीच किसी बात को लेकर मंगलवार साप्ताहिक बाजार के दिन मारपीट हुई थी। तब भी ये लड़के रोहित पर हावी हुए थे। उसी बात को लेकर आज मारपीट हुई।
ईद उल अजहा बकरीद का पर्व परंपरागत ढंग से बड़े ही धूमधाम के साथ मनाया गया
कमलेश मेहरोत्रा लहरपुर (सीतापुर)। नगर एवं ग्रामीण क्षेत्रों में  ईद उल अजहा बकरीद का पर्व परंपरागत ढंग से बड़े ही धूमधाम के साथ मनाया गया, मुस्लिम संप्रदाय के लोगों द्वारा नगर एवं ग्रामीण क्षेत्रों की विभिन्न मस्जिदों में ईद उल अजहा, बकरीद की नमाज अदा की गई।  नगर की प्रमुख ईदगाह में ईद उल जुहा की नमाज मुफ्ती नासिर के द्वारा अदा कराई गई जिसमें नगर  एवं ग्रामीण क्षेत्रों के भारी संख्या में मुस्लिम समाज के लोगों ने भाग लिया।
बकरीद के पर्व को लेकर प्रशासन काफी मुस्तैद दिखा, ईदगाह स्थल पर अपर पुलिस अधीक्षक आलोक सिंह, उप जिलाधिकारी पुलिस क्षेत्राधिकारी, नगर पालिका परिषद् अध्यक्ष हाजी जावेद अहमद, अधिशासी अधिकारी उपस्थित थे।
, कोतवाली प्रभारी अरविंद सिंह व भारी पुलिस बल सुरक्षा व्यवस्था को लेकर नगर में लगातार भ्रमण सील रहा । ईद उल अजहा, बकरीद पर्व को लेकर नगर पालिका परिषद द्वारा नगर में साफ सफाई का बेहतर प्रबंध किया गया और भीषण गर्मी को लेकर विभिन्न मार्गों पर पंखे लगाए गए । ग्रामीण क्षेत्रों में  भी बृहस्पतिवार को ईद उलअजहा बकरीद का पर्व श्रद्धा पूर्वक मनाया गया।   ईदगाह में ईद उल अजहा की नमाज में  उपस्थित लोगों ने मुल्क में अमन की दुआ मांगी। नमाज की उपरांत लोगों ने एक दूसरे को मुबारकबाद दी। बकरीद का पर्व शांतिपूर्वक संपन्न कराने के उद्देश्य से ग्रामीण नगर क्षेत्र में भारी पुलिस बल तैनात रहा। ईदगाह स्थल पर नमाज के उपरांत मुस्लिम धर्मावलंबियों ने परंपरा के अनुसार जानवरों की कुर्बानी दी।
टीएमसी में बढ़ा आपसी कलह, काकोली घोष ने अपनी ही पार्टी के नेता के खिलाफ स्पीकर को लिखा पत्र

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पश्चिम बंगाल में सत्ता के बदलते ही तृणमूल कांग्रेस का आपसी कलह खुल कर सामने आ गया है। कभी ममता की बेहद करीबी रहीं टीएमसी सांसद काकोली घोष ने बागी रूख अख्तियार कर लिया है। काकोली घोष ने अपनी पार्टी के सांसद कल्याण बनर्जी के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई है। घोष ने लोकसभा स्पीकर ओम बिरला को एक चिट्ठी लिखी है। इस चिट्ठी में उन्होंने कल्याण बनर्जी पर गंभीर आरोप लगाए हैं।

दुर्व्यवहार और अपमानजनक भाषा के इस्तेमाल का आरोप

पत्र में काकोली घोष ने लोकसभा स्पीकर से अपनी पार्टी के चीफ व्हिप कल्याण बनर्जी के खिलाफ औपचारिक शिकायत दर्ज कराने की अनुमति मांगी है। पत्र में काकोली घोष दस्तीदार ने आरोप लगाया कि कल्याण बनर्जी ने लोकसभा में उनके साथ दुर्व्यवहार किया और उनके लिए अपमानजनक भाषा का इस्तेमाल किया। काकोली घोष ने दावा किया कि कल्याण बनर्जी का उनके खिलाफ ही नहीं बल्कि अन्य महिला सांसदों के प्रति भी व्यवहार अनुचित और अपमानजनक रहा है।

स्पीकर से हस्तक्षेप करने की अपील

काकोली घोष ने अपने पत्र में लोकसभा स्पीकर से मामले में हस्तक्षेप करने की अपील की है और औपचारिक शिकायत दर्ज करने की अनुमति देने की मांग की है। साथ ही काकोली घोष ने उचित कार्रवाई के बाद सजा सुनिश्चित करने की भी मांग की है।

पार्टी के सभी पदों से दे चुकीं हैं इस्तीफा

टीएमसी नेता काकोली घोष दस्तीदार ने बुधवार को ही पार्टी के सभी पदों से इस्तीफा दिया हैं। इसके एक दिन बाद ही उनका लोकसभा स्पीकर को पत्र लिखकर अपनी पार्टी के वरिष्ठ नेता की शिकायत की, जो दिखा रहा है कि टीएमसी के भीतर सबकुछ ठीक नहीं है। काकोली घोष दस्तीदार को हाल ही में टीएमसी के लोकसभा सचेतक पद से हटाया गया है। काकोली की जगह कल्याण बनर्जी को ही लोकसभा में पार्टी का मुख्य सचेतक नियुक्त किया गया है।

कल्याण बनर्जी की प्रतिक्रिया आई सामने

काकोली घोष के आरोपों पर टीएमसी सांसद कल्याण बनर्जी की भी प्रतिक्रिया सामने आई है। उन्होंने कहा है कि सदन में कोई घटना होने के बाद, स्पीकर को तुरंत सूचित किया जाना चाहिए। यही नियम है। किसी भी घटना की जानकारी बिना किसी देरी के स्पीकर को दी जानी चाहिए। जहां तक लगाए जा रहे आरोपों की बात है, तो सवाल यह है कि किसने क्या और कब कहा। असल समस्या उनकी नीयत में है। ऐसा लगता है कि वे किसी मकसद से काम कर रहे हैं, जिससे मेरे मन में संदेह पैदा होता है।

डीके शिवकुमार होंगे कर्नाटक के अगले सीएम, सिद्धारमैया ने खुद किया ऐलान, आज देंगे इस्तीफा

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कर्नाटक में सत्ताधारी कांग्रेस सरकार में आज बड़ा बदलाव होने जा रहा है। सीएम सिद्धारमैया आज सीएम पद से इस्तीफा देंगे और उनकी जगह डीके शिवकुमार राज्य के अगले सीएम बनाए जाएंगे।विधायकों की बैठक में सिद्धारमैया ने उनके नाम का ऐलान किया। उन्होंने सभी विधायकों से डीके का साथ देने की अपील की।

आज शाम 3 बजे इस्तीफा देंगे सिद्धारमैया

कर्नाटक सरकार के मंत्री एच के पाटिल ने बताया कि मुख्यमंत्री सिद्धारमैया आज शाम 3 बजे इस्तीफा दे देंगे। सिद्धारमैया ने ही कहा है कि डीके शिवकुमार नए सीएम होंगे। एच के पाटिल ने बताया कि नाश्ते के दौरान हुई बैठक में सिद्धारमैया ने ये बातें कहीं।

इस्तीफे से पहले मंत्रियों का जताया आभार

कर्नाटक के मंत्री जी. परमेश्वर ने कहा कि मुख्यमंत्री ने सभी मंत्रियों को नाश्ते पर बुलाया और इस्तीफा देने से पहले वह सभी मंत्रियों को उनके सहयोग के लिए धन्यवाद देना चाहते थे। मुझे इस बात की जानकारी नहीं है कि सिद्धारमैया को दिल्ली में किसी पद की पेशकश की गई है या नहीं। यह हाई कमान पर निर्भर करता है।

कर्नाटक कांग्रेस के लंबे समय खींचतान

कर्नाटक में कांग्रेस के भीतर खींचतान कर्नाटक कांग्रेस में लंबे समय से सिद्धारमैया और डीके शिवकुमार गुट के बीच सत्ता की खींचतान चर्चा में रही है। पार्टी के अंदरूनी सूत्रों के अनुसार, दिल्ली में चली कई दौर की मैराथन बैठकों के बाद कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने मुख्यमंत्री सिद्दारमैया पर पद छोड़ने का दबाव बनाया, जिसके बाद उन्होंने इस्तीफा देने पर सहमति जता दी। बताया जा रहा है कि सिद्दारमैया ने शुरुआत में दो सप्ताह का समय मांगा था, ताकि वह जातीय जनगणना रिपोर्ट को कैबिनेट में पेश कर सकें, लेकिन पार्टी नेतृत्व तत्काल नेतृत्व परिवर्तन के पक्ष में था। कांग्रेस हाईकमान ने उन्हें याद दिलाया कि 2023 में कांग्रेस की प्रचंड जीत के बाद डिप्टी सीएम डीके शिवकुमार के साथ ढाई-ढाई साल के सत्ता साझेदारी फार्मूले पर सहमति बनी थी और सिद्दारमैया पहले ही तय अवधि से अधिक समय तक मुख्यमंत्री रह चुके हैं।

ईद-उल-अजहा (बकरीद) की नमाज सकुशल संपन्न
बलरामपुर । जिलाधिकारी  विपिन कुमार जैन एवं पुलिस अधीक्षक  विकास कुमार के निर्देशन में तथा अपर पुलिस अधीक्षक  विशाल पाण्डेय की निगरानी एवं पर्यवेक्षण में जनपद बलरामपुर में ईद-उल-अजहा (बकरीद) का पर्व शांतिपूर्ण, सौहार्दपूर्ण एवं भाईचारे के वातावरण में सकुशल सम्पन्न ।
त्योहार के दृष्टिगत जनपद में कानून-व्यवस्था बनाए रखने हेतु विभिन्न स्थलों पर प्रशासन द्वारा नियुक्त मजिस्ट्रेट एवं पुलिस अधिकारी लगातार भ्रमणशील रहे तथा संवेदनशील स्थलों पर विशेष सतर्कता बरती गई।
बलरामपुर शहर क्षेत्र अन्तर्गत मस्जिदों एवं ईदगाहों का भ्रमण कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया गया तथा ड्यूटी पर तैनात समस्त पुलिस अधिकारी/कर्मचारीगण को सतर्कता के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करने हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। सभी संवेदनशील स्थलों पर पर्याप्त संख्या में पुलिस बल की तैनाती की गई तथा ड्रोन कैमरों एवं सीसीटीवी के माध्यम से प्रमुख स्थानों की निगरानी की गई, जिससे कानून-व्यवस्था पूरी तरह सुदृढ़ बनी रही।
जिलाधिकारी एवं पुलिस प्रशासन द्वारा जनपदवासियों से आपसी भाईचारा, प्रेम एवं सामाजिक सौहार्द बनाए रखने की अपील की गई।
इसी क्रम में अपर पुलिस अधीक्षक श्री विशाल पाण्डेय द्वारा शांति व्यवस्था के दृष्टिगत सर्किल तुलसीपुर का भ्रमण किया गया, जहां एसडीएम तुलसीपुर श्री राकेश जयंत , क्षेत्राधिकारी तुलसीपुर डॉ0 जितेंद्र कुमार के सतत एवं प्रभावी पर्यवेक्षण में थाना पचपेड़वा क्षेत्र में ईद-उल-अजहा (बकरीद) का पर्व शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण में सम्पन्न कराया गया।
पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा क्षेत्र की प्रमुख मस्जिदों, ईदगाहों एवं संवेदनशील स्थलों का लगातार निरीक्षण किया गया। ड्यूटी पर तैनात पुलिस बल एवं नियुक्त मजिस्ट्रेटों को सतर्कता एवं सजगता के साथ कार्य करने हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
त्योहार के दौरान कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ बनाए रखने हेतु संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी रखी गई, ।
बसपा को बड़ा झटका : असमोली के मुस्लिम चेहरे फिरोज खान ने थामा चंद्रशेखर आजाद का हाथ
संभल । उत्तर प्रदेश की राजनीति में बहुजन समाज पार्टी को उस समय बड़ा झटका लगा, जब असमोली विधानसभा क्षेत्र के सामाजिक कार्यकर्ता और बसपा से जुड़े मोहम्मद फिरोज खान हिंदुस्तानी ने पार्टी छोड़ने का ऐलान कर दिया। उन्होंने बहुजन समाज पार्टी के मंडल और जिला स्तर के पदाधिकारियों पर उत्पीड़न, टिकट के नाम पर धन उगाही और कार्यकर्ताओं की अनदेखी जैसे गंभीर आरोप लगाए। इसके साथ ही उन्होंने आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) की सदस्यता ग्रहण कर ली।
मोहम्मद फिरोज खान हिंदुस्तानी ने एक विस्तृत बयान जारी करते हुए कहा कि वह लंबे समय से बहुजन समाज पार्टी में सक्रिय रूप से कार्य कर रहे थे और असमोली क्षेत्र में शिक्षा, सामाजिक न्याय और जनहित के मुद्दों को लेकर संघर्ष करते रहे। उन्होंने दावा किया कि वर्ष 2011-12 में मायावती सरकार के दौरान बने राजकीय पॉलिटेक्निक कॉलेज असगरीपुर को बचाने के लिए उन्होंने 14 वर्षों तक संघर्ष किया और अंततः सरकार द्वारा अधूरे कार्यों के लिए धन आवंटित कराया गया।
उन्होंने आरोप लगाया कि समाजवादी पार्टी की विधायक पिंकी यादव से सांठगांठ कर बसपा के कुछ जिला और मंडल स्तर के पदाधिकारियों ने उन्हें लगातार पार्टी कार्यक्रमों और बैठकों से दूर रखा। उनका कहना है कि असमोली विधानसभा सीट पर टिकट वितरण में धनबल और राजनीतिक सौदेबाजी का खेल चलता है, जिससे समर्पित कार्यकर्ताओं की अनदेखी होती है।
फिरोज खान ने यह भी आरोप लगाया कि बहुजन समाज पार्टी में आम कार्यकर्ताओं की आवाज नहीं सुनी जाती और राष्ट्रीय नेतृत्व तक पहुंचने के लिए भी भारी रकम की मांग की जाती है। उन्होंने दावा किया कि 24 मार्च 2026 को उन्हें मायावती से मिलवाने के नाम पर दो लाख रुपये लिए गए थे।
अपने बयान में उन्होंने संभल हिंसा, मुस्लिम समाज से जुड़े मुद्दों, बुलडोजर कार्रवाई, बेरोजगारी, महंगाई और भ्रष्टाचार जैसे विषयों पर भी पार्टी नेतृत्व की चुप्पी पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि उनकी राजनीति का उद्देश्य दलाली या चापलूसी नहीं, बल्कि शिक्षा, स्वास्थ्य, बिजली, पानी, सड़क, रोजगार और संवैधानिक अधिकारों के लिए संघर्ष करना है।
इसके बाद मोहम्मद फिरोज खान हिंदुस्तानी ने नागीना सांसद Chandrashekhar Azad के नेतृत्व में Azad Samaj Party (Kanshi Ram) की सदस्यता ग्रहण कर ली। पार्टी जॉइनिंग के दौरान पूर्व आईपीएस अधिकारी अमित वर्मा, प्रदेश अध्यक्ष सुनील चित्तौड़ और अन्य नेता भी मौजूद रहे।
फिरोज खान ने कहा कि वर्तमान समय में संविधान, सामाजिक न्याय और भाईचारे की रक्षा के लिए आजाद समाज पार्टी ही मजबूती से संघर्ष कर रही है और वह अब पूरी निष्ठा के साथ पार्टी की नीतियों को जन-जन तक पहुंचाने का कार्य करेंगे।
“नशा मुक्त भारत अभियान” के तहत सीबीएन की बड़ी कार्रवाई, करोड़ों की नशीली दवाएं बरामद, एक तस्कर गिरफ्तार
लखनऊ  । केंद्र सरकार के “नशा मुक्त भारत अभियान (NMBA)” के तहत अवैध नशीले पदार्थों और प्रतिबंधित दवाओं की तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान में केंद्रीय नारकोटिक्स ब्यूरो (CBN) को बड़ी सफलता मिली है। सीबीएन की टीम ने संयुक्त ऑपरेशन के दौरान भारी मात्रा में एनआरएक्स दवाइयां और कोडीन फॉस्फेट सिरप बरामद करते हुए एक तस्कर को गिरफ्तार किया है। अधिकारियों का मानना है कि यह खेप अंतरराज्यीय ड्रग नेटवर्क से जुड़ी हो सकती है।
सीबीएन की बरेली डिवीजन (उत्तर प्रदेश यूनिट) और ग्वालियर स्थित सीबीएन मुख्यालय की दिल्ली सेल ने 26 मई 2026 को संयुक्त कार्रवाई की। खुफिया सूचना के आधार पर टीम ने सोनीपत के पास मेरठ-खरखौदा हाईवे पर संदिग्ध कार को रोककर तलाशी ली। जांच में वाहन से बिना वैध दस्तावेजों के बड़ी मात्रा में नशीली दवाइयां बरामद हुईं।
तलाशी के दौरान अधिकारियों ने 2,600 क्लोनाजेपाम टैबलेट, 6,200 ट्रामाडोल टैबलेट और 1,269 बोतल कोडीन फॉस्फेट सिरप बरामद किए। कुल मिलाकर 8,800 एनआरएक्स टैबलेट और भारी मात्रा में कोडीन सिरप जब्त किया गया। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि इन दवाओं का इस्तेमाल अवैध नशे और सप्लाई नेटवर्क में किया जाना था।
सीबीएन अधिकारियों ने एनडीपीएस एक्ट 1985 के तहत कार्रवाई करते हुए आरोपी को मौके से गिरफ्तार कर लिया। साथ ही तस्करी में इस्तेमाल कार को भी जब्त कर लिया गया है। एजेंसियां अब यह पता लगाने में जुटी हैं कि यह खेप कहां से लाई गई थी और इसे किस राज्य या नेटवर्क तक पहुंचाया जाना था।
जांच एजेंसियों को शक है कि इस नेटवर्क के तार कई राज्यों से जुड़े हो सकते हैं। गिरफ्तार आरोपी से पूछताछ के आधार पर अन्य तस्करों और सप्लायरों की तलाश की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही इस मामले में और बड़े खुलासे हो सकते हैं।
सीबीएन के मुताबिक उत्तर प्रदेश यूनिट ने वर्ष 2026 में अब तक छह सफल ऑपरेशन को अंजाम देते हुए कुल आठ आरोपियों को गिरफ्तार किया है। विभाग ने साफ किया है कि “नशा मुक्त भारत अभियान” के तहत अवैध ड्रग्स और प्रतिबंधित दवाओं की तस्करी करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।
यूपी सचिवालय में बड़ा बदलाव: Vi की जगह BSNL के नए CUG नंबर, कर्मचारियों ने जताया विरोध
* 4200 कर्मचारियों के मोबाइल नंबर बदलने का फैसला, पुराने नंबर पोर्ट कराने की उठी मांग


लखनऊ। उत्तर प्रदेश सचिवालय प्रशासन विभाग ने सचिवालय कर्मचारियों के सीयूजी (Closed User Group) मोबाइल नंबरों को लेकर बड़ा फैसला लिया है। विभाग ने मौजूदा वोडाफोन-आइडिया (Vi) सेवा को हटाकर बीएसएनएल को नया सेवा प्रदाता बनाने का निर्णय लिया है। इसके तहत सचिवालय में कार्यरत लगभग 4200 कर्मचारियों और अधिकारियों को अब बीएसएनएल के नए सीयूजी नंबर आवंटित किए जाएंगे।
हालांकि, इस फैसले का कर्मचारियों ने विरोध शुरू कर दिया है। कर्मचारी नेताओं ने बुधवार को मुख्य सचिव एसपी गोयल और प्रमुख सचिव सचिवालय प्रशासन मनीष चौहान से मुलाकात कर मांग की कि मौजूदा मोबाइल नंबरों को ही बीएसएनएल में पोर्ट कराया जाए, ताकि नंबर बदलने की आवश्यकता न पड़े।
कर्मचारियों का कहना है कि वर्तमान सीयूजी नंबर उनके निजी और पेशेवर जीवन का महत्वपूर्ण हिस्सा बन चुके हैं। ये नंबर ई-ऑफिस पोर्टल, बैंक खातों, ई-मेल, आयकर रिटर्न, आधार कार्ड, पासपोर्ट, बिजली और गैस कनेक्शन, बच्चों के स्कूल-कॉलेज रिकॉर्ड तथा विभिन्न व्हाट्सएप समूहों से जुड़े हुए हैं। ऐसे में नंबर बदलने से उन्हें कई तरह की व्यावहारिक दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है।

सचिवालय प्रशासन विभाग के निर्णय के अनुसार, कंप्यूटर सहायक से लेकर विशेष सचिव स्तर तक के कर्मचारियों के लिए बीएसएनएल के नए सीयूजी नंबर जारी किए जाएंगे। वहीं, प्रमुख सचिव सचिवालय प्रशासन मनीष चौहान का कहना है कि कर्मचारी चाहें तो अपने पुराने मोबाइल नंबरों का उपयोग व्यक्तिगत नंबर के रूप में जारी रख सकते हैं, लेकिन आधिकारिक उपयोग के लिए सभी को बीएसएनएल के नए सीयूजी नंबर ही दिए जाएंगे।
मशहूर शायर डॉ. बशीर बद्र का निधन, 91 वर्ष की उम्र में भोपाल में ली अंतिम सांस

‘दुश्मनी जमकर करो लेकिन…’ जैसे अमर शेरों से बनाई खास पहचान

भोपाल। उर्दू अदब की दुनिया के मशहूर शायर डॉ. बशीर बद्र का गुरुवार को 91 वर्ष की उम्र में भोपाल में निधन हो गया। वे लंबे समय से डिमेंशिया बीमारी से पीड़ित थे और पिछले कुछ समय से उनकी याददाश्त भी काफी कमजोर हो चुकी थी। उनके निधन से साहित्य और शायरी जगत में शोक की लहर है।

सरल, संवेदनशील और दिलों को छू लेने वाली शायरी के लिए पहचाने जाने वाले डॉ. बशीर बद्र ने हिंदी और उर्दू साहित्य को कई यादगार ग़ज़लें दीं। उनके कई ग़ज़ल संग्रह प्रकाशित हुए और उनकी रचनाओं ने देश-विदेश में बड़ी लोकप्रियता हासिल की। उनकी शायरी का पंजाबी, बंगाली, नेपाली और रूसी भाषाओं में अनुवाद की तैयारी भी चल रही थी।

बशीर बद्र का मशहूर शेर —

दुश्मनी जमकर करो लेकिन ये गुंजाइश रहे,

जब कभी हम दोस्त हो जाएं तो शर्मिंदा न हों…”

आज भी अदब प्रेमियों की जुबान पर रहता है। उनकी शायरी में मोहब्बत, रिश्ते, तन्हाई, इंसानी एहसास और सामाजिक सरोकारों की गहरी झलक मिलती थी। अपने सहज अंदाज और असरदार अल्फाज की वजह से उन्होंने आम पाठकों से लेकर साहित्यिक जगत तक खास पहचान बनाई। डॉ. बशीर बद्र के इंतकाल के साथ उर्दू शायरी का एक महत्वपूर्ण दौर जैसे थम सा गया है।

भदोही में बकरीद की नमाज अदा:56 ईदगाह, 125 मस्जिदों में शांतिपूर्ण ढंग से मनाया गया पर्व, पुलिस बल तैनात

रिपोर्ट -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। भदोही जिले में बृहस्पतिवार को बकरीद का त्यौहार शांतिपूर्ण माहौल में मनाया गया।जिले के कुल 56 ईदगाह और 125 मस्जिदों में सुबह 7.30 बजे से बकरीद की नमाज अदा की गई। इस दौरान सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे। मुस्लिम समुदाय के लोग सुबह से ही निर्धारित ईदगाहों और मस्जिदों में पहुंचने लगे थे। नमाज अदा करने के बाद लोगों ने एक - दुसरे को गले मिलकर बकरीद की बधाई दी।
त्योहार के मद्देनजर जिले भर के सभी ईदगाहों और मस्जिदों में भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया। भदोही नगर में जिलाधिकारी शैलेश कुमार और पुलिस अधीक्षक अभिनव त्यागी ने ईदगाहों व मस्जिदों का निरीक्षण किया। उन्होंने ड्यूटी पर तैनात अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए और मुस्लिम समुदाय के लोगों को बकरीद की शुभकामनाएं भी दी। जिले के भदोही, ज्ञानपुर,औराई,घोसिया, गोपीगंज, सुरियावां, दुर्गागंज, कोइरौना सहित कई अन्य स्थानों पर भी बकरीद की नमाज अदा की गई। मस्जिदों के मौलानाओं द्वारा पूर्व निर्धारित समय पर नमाज अदा कराई गई। नमाजियों के अमन- चैन और देश की खुशहाली के लिए दुआएं मांगी।
दवा लेने जा रहे युवक को पीटा सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल

जनपद फर्रुखाबाद के थाना अमृतपुर क्षेत्र के गांव रतनपुर पमारान में उस समय भगदड़ मच गई। जब युवक सुबह दवा लेने के लिए रोहित पुत्र सर्वेश निवासी अमैयापुर पश्चिमी की तबियत खराब होने पर अपनी दवा लेने के लिए। गाँव से 1 किलो मीटर दूर रतनपुर के लिए आ रहा था।तभी पहले से घात लगाए बैठे रतनपुर पमारान निवासी संजय पुत्र रामपाल  ने युवक को रतनपुर बाजार के पास पुलिया पर घेर लिया और उसके साथ मार पीट करने लगे।जहां पर कभी संख्या ने भीड़ एकत्रित हो गई। बीचबचाव के दौरान युवक दोनों के चोट आई। जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल।
जानकारी के मुताबिक इस दोनों युवकों के बीच किसी बात को लेकर मंगलवार साप्ताहिक बाजार के दिन मारपीट हुई थी। तब भी ये लड़के रोहित पर हावी हुए थे। उसी बात को लेकर आज मारपीट हुई।
ईद उल अजहा बकरीद का पर्व परंपरागत ढंग से बड़े ही धूमधाम के साथ मनाया गया
कमलेश मेहरोत्रा लहरपुर (सीतापुर)। नगर एवं ग्रामीण क्षेत्रों में  ईद उल अजहा बकरीद का पर्व परंपरागत ढंग से बड़े ही धूमधाम के साथ मनाया गया, मुस्लिम संप्रदाय के लोगों द्वारा नगर एवं ग्रामीण क्षेत्रों की विभिन्न मस्जिदों में ईद उल अजहा, बकरीद की नमाज अदा की गई।  नगर की प्रमुख ईदगाह में ईद उल जुहा की नमाज मुफ्ती नासिर के द्वारा अदा कराई गई जिसमें नगर  एवं ग्रामीण क्षेत्रों के भारी संख्या में मुस्लिम समाज के लोगों ने भाग लिया।
बकरीद के पर्व को लेकर प्रशासन काफी मुस्तैद दिखा, ईदगाह स्थल पर अपर पुलिस अधीक्षक आलोक सिंह, उप जिलाधिकारी पुलिस क्षेत्राधिकारी, नगर पालिका परिषद् अध्यक्ष हाजी जावेद अहमद, अधिशासी अधिकारी उपस्थित थे।
, कोतवाली प्रभारी अरविंद सिंह व भारी पुलिस बल सुरक्षा व्यवस्था को लेकर नगर में लगातार भ्रमण सील रहा । ईद उल अजहा, बकरीद पर्व को लेकर नगर पालिका परिषद द्वारा नगर में साफ सफाई का बेहतर प्रबंध किया गया और भीषण गर्मी को लेकर विभिन्न मार्गों पर पंखे लगाए गए । ग्रामीण क्षेत्रों में  भी बृहस्पतिवार को ईद उलअजहा बकरीद का पर्व श्रद्धा पूर्वक मनाया गया।   ईदगाह में ईद उल अजहा की नमाज में  उपस्थित लोगों ने मुल्क में अमन की दुआ मांगी। नमाज की उपरांत लोगों ने एक दूसरे को मुबारकबाद दी। बकरीद का पर्व शांतिपूर्वक संपन्न कराने के उद्देश्य से ग्रामीण नगर क्षेत्र में भारी पुलिस बल तैनात रहा। ईदगाह स्थल पर नमाज के उपरांत मुस्लिम धर्मावलंबियों ने परंपरा के अनुसार जानवरों की कुर्बानी दी।
टीएमसी में बढ़ा आपसी कलह, काकोली घोष ने अपनी ही पार्टी के नेता के खिलाफ स्पीकर को लिखा पत्र

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पश्चिम बंगाल में सत्ता के बदलते ही तृणमूल कांग्रेस का आपसी कलह खुल कर सामने आ गया है। कभी ममता की बेहद करीबी रहीं टीएमसी सांसद काकोली घोष ने बागी रूख अख्तियार कर लिया है। काकोली घोष ने अपनी पार्टी के सांसद कल्याण बनर्जी के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई है। घोष ने लोकसभा स्पीकर ओम बिरला को एक चिट्ठी लिखी है। इस चिट्ठी में उन्होंने कल्याण बनर्जी पर गंभीर आरोप लगाए हैं।

दुर्व्यवहार और अपमानजनक भाषा के इस्तेमाल का आरोप

पत्र में काकोली घोष ने लोकसभा स्पीकर से अपनी पार्टी के चीफ व्हिप कल्याण बनर्जी के खिलाफ औपचारिक शिकायत दर्ज कराने की अनुमति मांगी है। पत्र में काकोली घोष दस्तीदार ने आरोप लगाया कि कल्याण बनर्जी ने लोकसभा में उनके साथ दुर्व्यवहार किया और उनके लिए अपमानजनक भाषा का इस्तेमाल किया। काकोली घोष ने दावा किया कि कल्याण बनर्जी का उनके खिलाफ ही नहीं बल्कि अन्य महिला सांसदों के प्रति भी व्यवहार अनुचित और अपमानजनक रहा है।

स्पीकर से हस्तक्षेप करने की अपील

काकोली घोष ने अपने पत्र में लोकसभा स्पीकर से मामले में हस्तक्षेप करने की अपील की है और औपचारिक शिकायत दर्ज करने की अनुमति देने की मांग की है। साथ ही काकोली घोष ने उचित कार्रवाई के बाद सजा सुनिश्चित करने की भी मांग की है।

पार्टी के सभी पदों से दे चुकीं हैं इस्तीफा

टीएमसी नेता काकोली घोष दस्तीदार ने बुधवार को ही पार्टी के सभी पदों से इस्तीफा दिया हैं। इसके एक दिन बाद ही उनका लोकसभा स्पीकर को पत्र लिखकर अपनी पार्टी के वरिष्ठ नेता की शिकायत की, जो दिखा रहा है कि टीएमसी के भीतर सबकुछ ठीक नहीं है। काकोली घोष दस्तीदार को हाल ही में टीएमसी के लोकसभा सचेतक पद से हटाया गया है। काकोली की जगह कल्याण बनर्जी को ही लोकसभा में पार्टी का मुख्य सचेतक नियुक्त किया गया है।

कल्याण बनर्जी की प्रतिक्रिया आई सामने

काकोली घोष के आरोपों पर टीएमसी सांसद कल्याण बनर्जी की भी प्रतिक्रिया सामने आई है। उन्होंने कहा है कि सदन में कोई घटना होने के बाद, स्पीकर को तुरंत सूचित किया जाना चाहिए। यही नियम है। किसी भी घटना की जानकारी बिना किसी देरी के स्पीकर को दी जानी चाहिए। जहां तक लगाए जा रहे आरोपों की बात है, तो सवाल यह है कि किसने क्या और कब कहा। असल समस्या उनकी नीयत में है। ऐसा लगता है कि वे किसी मकसद से काम कर रहे हैं, जिससे मेरे मन में संदेह पैदा होता है।

डीके शिवकुमार होंगे कर्नाटक के अगले सीएम, सिद्धारमैया ने खुद किया ऐलान, आज देंगे इस्तीफा

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कर्नाटक में सत्ताधारी कांग्रेस सरकार में आज बड़ा बदलाव होने जा रहा है। सीएम सिद्धारमैया आज सीएम पद से इस्तीफा देंगे और उनकी जगह डीके शिवकुमार राज्य के अगले सीएम बनाए जाएंगे।विधायकों की बैठक में सिद्धारमैया ने उनके नाम का ऐलान किया। उन्होंने सभी विधायकों से डीके का साथ देने की अपील की।

आज शाम 3 बजे इस्तीफा देंगे सिद्धारमैया

कर्नाटक सरकार के मंत्री एच के पाटिल ने बताया कि मुख्यमंत्री सिद्धारमैया आज शाम 3 बजे इस्तीफा दे देंगे। सिद्धारमैया ने ही कहा है कि डीके शिवकुमार नए सीएम होंगे। एच के पाटिल ने बताया कि नाश्ते के दौरान हुई बैठक में सिद्धारमैया ने ये बातें कहीं।

इस्तीफे से पहले मंत्रियों का जताया आभार

कर्नाटक के मंत्री जी. परमेश्वर ने कहा कि मुख्यमंत्री ने सभी मंत्रियों को नाश्ते पर बुलाया और इस्तीफा देने से पहले वह सभी मंत्रियों को उनके सहयोग के लिए धन्यवाद देना चाहते थे। मुझे इस बात की जानकारी नहीं है कि सिद्धारमैया को दिल्ली में किसी पद की पेशकश की गई है या नहीं। यह हाई कमान पर निर्भर करता है।

कर्नाटक कांग्रेस के लंबे समय खींचतान

कर्नाटक में कांग्रेस के भीतर खींचतान कर्नाटक कांग्रेस में लंबे समय से सिद्धारमैया और डीके शिवकुमार गुट के बीच सत्ता की खींचतान चर्चा में रही है। पार्टी के अंदरूनी सूत्रों के अनुसार, दिल्ली में चली कई दौर की मैराथन बैठकों के बाद कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने मुख्यमंत्री सिद्दारमैया पर पद छोड़ने का दबाव बनाया, जिसके बाद उन्होंने इस्तीफा देने पर सहमति जता दी। बताया जा रहा है कि सिद्दारमैया ने शुरुआत में दो सप्ताह का समय मांगा था, ताकि वह जातीय जनगणना रिपोर्ट को कैबिनेट में पेश कर सकें, लेकिन पार्टी नेतृत्व तत्काल नेतृत्व परिवर्तन के पक्ष में था। कांग्रेस हाईकमान ने उन्हें याद दिलाया कि 2023 में कांग्रेस की प्रचंड जीत के बाद डिप्टी सीएम डीके शिवकुमार के साथ ढाई-ढाई साल के सत्ता साझेदारी फार्मूले पर सहमति बनी थी और सिद्दारमैया पहले ही तय अवधि से अधिक समय तक मुख्यमंत्री रह चुके हैं।

ईद-उल-अजहा (बकरीद) की नमाज सकुशल संपन्न
बलरामपुर । जिलाधिकारी  विपिन कुमार जैन एवं पुलिस अधीक्षक  विकास कुमार के निर्देशन में तथा अपर पुलिस अधीक्षक  विशाल पाण्डेय की निगरानी एवं पर्यवेक्षण में जनपद बलरामपुर में ईद-उल-अजहा (बकरीद) का पर्व शांतिपूर्ण, सौहार्दपूर्ण एवं भाईचारे के वातावरण में सकुशल सम्पन्न ।
त्योहार के दृष्टिगत जनपद में कानून-व्यवस्था बनाए रखने हेतु विभिन्न स्थलों पर प्रशासन द्वारा नियुक्त मजिस्ट्रेट एवं पुलिस अधिकारी लगातार भ्रमणशील रहे तथा संवेदनशील स्थलों पर विशेष सतर्कता बरती गई।
बलरामपुर शहर क्षेत्र अन्तर्गत मस्जिदों एवं ईदगाहों का भ्रमण कर सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लिया गया तथा ड्यूटी पर तैनात समस्त पुलिस अधिकारी/कर्मचारीगण को सतर्कता के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करने हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। सभी संवेदनशील स्थलों पर पर्याप्त संख्या में पुलिस बल की तैनाती की गई तथा ड्रोन कैमरों एवं सीसीटीवी के माध्यम से प्रमुख स्थानों की निगरानी की गई, जिससे कानून-व्यवस्था पूरी तरह सुदृढ़ बनी रही।
जिलाधिकारी एवं पुलिस प्रशासन द्वारा जनपदवासियों से आपसी भाईचारा, प्रेम एवं सामाजिक सौहार्द बनाए रखने की अपील की गई।
इसी क्रम में अपर पुलिस अधीक्षक श्री विशाल पाण्डेय द्वारा शांति व्यवस्था के दृष्टिगत सर्किल तुलसीपुर का भ्रमण किया गया, जहां एसडीएम तुलसीपुर श्री राकेश जयंत , क्षेत्राधिकारी तुलसीपुर डॉ0 जितेंद्र कुमार के सतत एवं प्रभावी पर्यवेक्षण में थाना पचपेड़वा क्षेत्र में ईद-उल-अजहा (बकरीद) का पर्व शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण में सम्पन्न कराया गया।
पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा क्षेत्र की प्रमुख मस्जिदों, ईदगाहों एवं संवेदनशील स्थलों का लगातार निरीक्षण किया गया। ड्यूटी पर तैनात पुलिस बल एवं नियुक्त मजिस्ट्रेटों को सतर्कता एवं सजगता के साथ कार्य करने हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।
त्योहार के दौरान कानून-व्यवस्था को सुदृढ़ बनाए रखने हेतु संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी रखी गई, ।
बसपा को बड़ा झटका : असमोली के मुस्लिम चेहरे फिरोज खान ने थामा चंद्रशेखर आजाद का हाथ
संभल । उत्तर प्रदेश की राजनीति में बहुजन समाज पार्टी को उस समय बड़ा झटका लगा, जब असमोली विधानसभा क्षेत्र के सामाजिक कार्यकर्ता और बसपा से जुड़े मोहम्मद फिरोज खान हिंदुस्तानी ने पार्टी छोड़ने का ऐलान कर दिया। उन्होंने बहुजन समाज पार्टी के मंडल और जिला स्तर के पदाधिकारियों पर उत्पीड़न, टिकट के नाम पर धन उगाही और कार्यकर्ताओं की अनदेखी जैसे गंभीर आरोप लगाए। इसके साथ ही उन्होंने आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) की सदस्यता ग्रहण कर ली।
मोहम्मद फिरोज खान हिंदुस्तानी ने एक विस्तृत बयान जारी करते हुए कहा कि वह लंबे समय से बहुजन समाज पार्टी में सक्रिय रूप से कार्य कर रहे थे और असमोली क्षेत्र में शिक्षा, सामाजिक न्याय और जनहित के मुद्दों को लेकर संघर्ष करते रहे। उन्होंने दावा किया कि वर्ष 2011-12 में मायावती सरकार के दौरान बने राजकीय पॉलिटेक्निक कॉलेज असगरीपुर को बचाने के लिए उन्होंने 14 वर्षों तक संघर्ष किया और अंततः सरकार द्वारा अधूरे कार्यों के लिए धन आवंटित कराया गया।
उन्होंने आरोप लगाया कि समाजवादी पार्टी की विधायक पिंकी यादव से सांठगांठ कर बसपा के कुछ जिला और मंडल स्तर के पदाधिकारियों ने उन्हें लगातार पार्टी कार्यक्रमों और बैठकों से दूर रखा। उनका कहना है कि असमोली विधानसभा सीट पर टिकट वितरण में धनबल और राजनीतिक सौदेबाजी का खेल चलता है, जिससे समर्पित कार्यकर्ताओं की अनदेखी होती है।
फिरोज खान ने यह भी आरोप लगाया कि बहुजन समाज पार्टी में आम कार्यकर्ताओं की आवाज नहीं सुनी जाती और राष्ट्रीय नेतृत्व तक पहुंचने के लिए भी भारी रकम की मांग की जाती है। उन्होंने दावा किया कि 24 मार्च 2026 को उन्हें मायावती से मिलवाने के नाम पर दो लाख रुपये लिए गए थे।
अपने बयान में उन्होंने संभल हिंसा, मुस्लिम समाज से जुड़े मुद्दों, बुलडोजर कार्रवाई, बेरोजगारी, महंगाई और भ्रष्टाचार जैसे विषयों पर भी पार्टी नेतृत्व की चुप्पी पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि उनकी राजनीति का उद्देश्य दलाली या चापलूसी नहीं, बल्कि शिक्षा, स्वास्थ्य, बिजली, पानी, सड़क, रोजगार और संवैधानिक अधिकारों के लिए संघर्ष करना है।
इसके बाद मोहम्मद फिरोज खान हिंदुस्तानी ने नागीना सांसद Chandrashekhar Azad के नेतृत्व में Azad Samaj Party (Kanshi Ram) की सदस्यता ग्रहण कर ली। पार्टी जॉइनिंग के दौरान पूर्व आईपीएस अधिकारी अमित वर्मा, प्रदेश अध्यक्ष सुनील चित्तौड़ और अन्य नेता भी मौजूद रहे।
फिरोज खान ने कहा कि वर्तमान समय में संविधान, सामाजिक न्याय और भाईचारे की रक्षा के लिए आजाद समाज पार्टी ही मजबूती से संघर्ष कर रही है और वह अब पूरी निष्ठा के साथ पार्टी की नीतियों को जन-जन तक पहुंचाने का कार्य करेंगे।
“नशा मुक्त भारत अभियान” के तहत सीबीएन की बड़ी कार्रवाई, करोड़ों की नशीली दवाएं बरामद, एक तस्कर गिरफ्तार
लखनऊ  । केंद्र सरकार के “नशा मुक्त भारत अभियान (NMBA)” के तहत अवैध नशीले पदार्थों और प्रतिबंधित दवाओं की तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान में केंद्रीय नारकोटिक्स ब्यूरो (CBN) को बड़ी सफलता मिली है। सीबीएन की टीम ने संयुक्त ऑपरेशन के दौरान भारी मात्रा में एनआरएक्स दवाइयां और कोडीन फॉस्फेट सिरप बरामद करते हुए एक तस्कर को गिरफ्तार किया है। अधिकारियों का मानना है कि यह खेप अंतरराज्यीय ड्रग नेटवर्क से जुड़ी हो सकती है।
सीबीएन की बरेली डिवीजन (उत्तर प्रदेश यूनिट) और ग्वालियर स्थित सीबीएन मुख्यालय की दिल्ली सेल ने 26 मई 2026 को संयुक्त कार्रवाई की। खुफिया सूचना के आधार पर टीम ने सोनीपत के पास मेरठ-खरखौदा हाईवे पर संदिग्ध कार को रोककर तलाशी ली। जांच में वाहन से बिना वैध दस्तावेजों के बड़ी मात्रा में नशीली दवाइयां बरामद हुईं।
तलाशी के दौरान अधिकारियों ने 2,600 क्लोनाजेपाम टैबलेट, 6,200 ट्रामाडोल टैबलेट और 1,269 बोतल कोडीन फॉस्फेट सिरप बरामद किए। कुल मिलाकर 8,800 एनआरएक्स टैबलेट और भारी मात्रा में कोडीन सिरप जब्त किया गया। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि इन दवाओं का इस्तेमाल अवैध नशे और सप्लाई नेटवर्क में किया जाना था।
सीबीएन अधिकारियों ने एनडीपीएस एक्ट 1985 के तहत कार्रवाई करते हुए आरोपी को मौके से गिरफ्तार कर लिया। साथ ही तस्करी में इस्तेमाल कार को भी जब्त कर लिया गया है। एजेंसियां अब यह पता लगाने में जुटी हैं कि यह खेप कहां से लाई गई थी और इसे किस राज्य या नेटवर्क तक पहुंचाया जाना था।
जांच एजेंसियों को शक है कि इस नेटवर्क के तार कई राज्यों से जुड़े हो सकते हैं। गिरफ्तार आरोपी से पूछताछ के आधार पर अन्य तस्करों और सप्लायरों की तलाश की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि जल्द ही इस मामले में और बड़े खुलासे हो सकते हैं।
सीबीएन के मुताबिक उत्तर प्रदेश यूनिट ने वर्ष 2026 में अब तक छह सफल ऑपरेशन को अंजाम देते हुए कुल आठ आरोपियों को गिरफ्तार किया है। विभाग ने साफ किया है कि “नशा मुक्त भारत अभियान” के तहत अवैध ड्रग्स और प्रतिबंधित दवाओं की तस्करी करने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।
यूपी सचिवालय में बड़ा बदलाव: Vi की जगह BSNL के नए CUG नंबर, कर्मचारियों ने जताया विरोध
* 4200 कर्मचारियों के मोबाइल नंबर बदलने का फैसला, पुराने नंबर पोर्ट कराने की उठी मांग


लखनऊ। उत्तर प्रदेश सचिवालय प्रशासन विभाग ने सचिवालय कर्मचारियों के सीयूजी (Closed User Group) मोबाइल नंबरों को लेकर बड़ा फैसला लिया है। विभाग ने मौजूदा वोडाफोन-आइडिया (Vi) सेवा को हटाकर बीएसएनएल को नया सेवा प्रदाता बनाने का निर्णय लिया है। इसके तहत सचिवालय में कार्यरत लगभग 4200 कर्मचारियों और अधिकारियों को अब बीएसएनएल के नए सीयूजी नंबर आवंटित किए जाएंगे।
हालांकि, इस फैसले का कर्मचारियों ने विरोध शुरू कर दिया है। कर्मचारी नेताओं ने बुधवार को मुख्य सचिव एसपी गोयल और प्रमुख सचिव सचिवालय प्रशासन मनीष चौहान से मुलाकात कर मांग की कि मौजूदा मोबाइल नंबरों को ही बीएसएनएल में पोर्ट कराया जाए, ताकि नंबर बदलने की आवश्यकता न पड़े।
कर्मचारियों का कहना है कि वर्तमान सीयूजी नंबर उनके निजी और पेशेवर जीवन का महत्वपूर्ण हिस्सा बन चुके हैं। ये नंबर ई-ऑफिस पोर्टल, बैंक खातों, ई-मेल, आयकर रिटर्न, आधार कार्ड, पासपोर्ट, बिजली और गैस कनेक्शन, बच्चों के स्कूल-कॉलेज रिकॉर्ड तथा विभिन्न व्हाट्सएप समूहों से जुड़े हुए हैं। ऐसे में नंबर बदलने से उन्हें कई तरह की व्यावहारिक दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है।

सचिवालय प्रशासन विभाग के निर्णय के अनुसार, कंप्यूटर सहायक से लेकर विशेष सचिव स्तर तक के कर्मचारियों के लिए बीएसएनएल के नए सीयूजी नंबर जारी किए जाएंगे। वहीं, प्रमुख सचिव सचिवालय प्रशासन मनीष चौहान का कहना है कि कर्मचारी चाहें तो अपने पुराने मोबाइल नंबरों का उपयोग व्यक्तिगत नंबर के रूप में जारी रख सकते हैं, लेकिन आधिकारिक उपयोग के लिए सभी को बीएसएनएल के नए सीयूजी नंबर ही दिए जाएंगे।