केरेडारी में आयोजित श्री शतचंडी महायज्ञ की पूर्णाहुति में शामिल हुए सांसद मनीष जायसवाल, क्षेत्र की सुख-समृद्धि की कामना की

केरेडारी बड़कागांव विधानसभा क्षेत्र के केरेडारी प्रखंड स्थित ग्राम पचड़ा, सिझुवा में आयोजित पांच दिवसीय श्री श्री 1008 श्री शतचंडी महायज्ञ एवं शांकेश्वरी माता धाम में आयोजित प्राण प्रतिष्ठा सह महायज्ञ की पूर्णाहुति के क्रम में शनिवार को हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के सांसद मनीष जायसवाल शामिल हुए। इस दौरान उन्होंने यज्ञ मंडप और शांकेश्वरी माता धाम में प्राचीन मां शांकेश्वरी और बजरंगबली की प्रतिमा के समक्ष माथा टेककर हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र की सुख, समृद्धि एवं खुशहाली की कामना की।

कार्यक्रम के दौरान यज्ञ समिति द्वारा सांसद मनीष जायसवाल सहित अन्य अतिथियों का भगवा पगड़ी, फूल माला एवं शॉल ओढ़ाकर भव्य स्वागत एवं सम्मान किया गया। यज्ञ समिति और ग्रामीणों की ओर से स्थानीय मुखिया महेश साव ने मंदिर निर्माण में सहयोग के साथ स्थानीय चंद्रगुप्त कोल परियोजन में स्थानीय लोगों की भागीदारी सुनिश्चित करने एवं डीएमएफटी मद के तहत इस क्षेत्र में विकास कार्यों को धरातल पर उतारने की मांग सांसद मनीष जायसवाल से की।

यहां बड़ी संख्या में उपस्थित ग्रामीणों और स्थानीय लोगों को संबोधित करते हुए सांसद मनीष जायसवाल ने कहा की यज्ञ का सबसे बड़ा प्रसाद सुविचार होता है, जो सात्विक विचारधारा के लिए प्रेरित करता है और जिससे पूरे क्षेत्र में सुख, शांति व समृद्धि की प्राप्ति होती है। उन्होंने स्थानीय जनता को आश्वस्त करते हुए कहा कि हम आपकी सभी आधारभूत समस्याओं के समाधान के लिए सदैव तत्पर हैं। सांसद मनीष जायसवाल ए यह भी कहा कि चंद्रगुप्त कोल परियोजना सहित आसपास के परियोजना के कंपनियों द्वारा स्थानीय लोगों को उचित सुविधा, मुआवजा व रोजगार मिले, इसको लेकर एक विशेष रणनीति बनाने की जरूरत है, जिसके लिए हम पूरी तरह आपके साथ खड़े हैं। उन्होंने पचड़ा ग्राम वासियों को आश्वस्त किया कि मंदिर प्रांगण के सौंदर्यीकरण हेतु टाइल्स जल्द उपलब्ध कराएंगे। 

सांसद मनीष जायसवाल का केरेडारी जाने के क्रम में बड़कागांव और केरेडारी में स्थानीय भाजपा कार्यकर्ताओं और समर्थकों ने फूल माला पहनाकर, पुष्पगुच्छ भेंटकर और अंग-वस्त्र ओढ़ाकर नारा जयकारा लगाकर अभूतपूर्व स्वागत किया ।

केरेडारी प्रखंड के पचडा महायज्ञ के यज्ञाचार्य पंडित शक्ति शास्त्री जी महाराज, आचार्य पंडित कुंदन शास्त्री जी, मुख्य पुजारी रामचंद्र साव, प्रवचनकर्ता साध्वी अंजली गोस्वामी ने यज्ञ में महत्ती भूमिका निभाई और धर्म एवं यज्ञ की महत्ता की जानकारी श्रद्धालुओं की दी। यज्ञ समिति के अध्यक्ष दशरथ कुमार, सचिव संतोष साव और कोषाध्यक्ष दीपक कुमार सहित आयोजन समिति के लोगों ने यज्ञ के सफल आयोजन में सराहनीय भूमिका निभाई। 

उक्त अवसर पर सांसद मनीष जायसवाल के साथ विशेषरूप से हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के सांसद प्रतिनिधि सत्येंद्र सिंह, हजारीबाग जिला सांसद प्रतिनिधि अजय साहू, भाजपा प्रदेश कार्यसमिति सदस्य अनिल मिश्रा बड़कागांव विधानसभा सांसद प्रतिनिधि पूनम साहू, भाजपा नेता महेंद्र सिंह, हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के सांसद मीडिया प्रतिनिधि रंजन चौधरी, बड़कागांव विधानसभा क्षेत्र के सांसद मीडिया प्रतिनिधि उमेश दांगी, बड़कागांव भाजपा मंडल अध्यक्ष शिबू मेहता, मनीष पांडेय, पचडा मुखिया महेश साव, प्रकाश गुप्ता, नारायण साव, नकुल साव, राजेंद्र कुमार, बहादुर राम, सुनील ठाकुर, रूपन गंझू, राजू महतो, अशोक साव, संदीप यादव, सुमन गिरी, अवध किशोर कुमार, नर्सिंग प्रसाद, संजय विश्वकर्मा, हरिदास साव, मेवालाल नाग सहित अन्य गणमान्य लोग मौजूद रहें ।

बेस गांव में युवाओं को खेल से जोड़ने की पहल, विक्की कुमार धान ने किया वॉलीबॉल एवं नेट का वितरण

हजारीबाग- पूर्व सदर विधानसभा प्रत्याशी मुन्ना सिंह के निजी मीडिया प्रतिनिधि सह बेस पंचायत के पूर्व मुखिया प्रत्याशी विक्की कुमार धान ने शनिवार को बेस पंचायत के बेस गांव में युवाओं को खेल के प्रति प्रोत्साहित करने तथा उनकी प्रतिभा को आगे बढ़ाने के उद्देश्य से वॉलीबॉल एवं नेट का वितरण किया। इस अवसर पर गांव के युवाओं एवं ग्रामीणों के साथ आत्मीय मुलाकात कर खेल, शिक्षा, सामाजिक विकास तथा क्षेत्र की विभिन्न समस्याओं पर विस्तारपूर्वक चर्चा की गई।कार्यक्रम के दौरान विक्की कुमार धान ने कहा कि खेल केवल मनोरंजन का साधन नहीं, बल्कि युवाओं के उज्ज्वल भविष्य निर्माण की मजबूत नींव है। खेल से युवाओं में अनुशासन, आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता, संघर्ष करने की शक्ति एवं टीम भावना का विकास होता है। उन्होंने कहा कि जब गांव का युवा मैदान में मेहनत करता है, तो वह अपने जीवन को सकारात्मक दिशा देने के साथ-साथ समाज के लिए भी प्रेरणा बनने का कार्य करता है। उन्होंने कहा कि आज के समय में युवाओं को नशा, गलत संगत एवं नकारात्मक गतिविधियों से दूर रखने में खेल की महत्वपूर्ण भूमिका है। यदि युवाओं को सही मार्गदर्शन एवं आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं, तो गांव की प्रतिभाएं भी राज्य एवं राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बना सकती हैं। ग्रामीण क्षेत्रों में प्रतिभा की कोई कमी नहीं है। गांव के युवा मेहनती, ऊर्जावान एवं संघर्षशील हैं, लेकिन कई बार संसाधनों के अभाव में उनकी प्रतिभा दबकर रह जाती है। इसी सोच के साथ लगातार छोटे-छोटे प्रयासों के माध्यम से युवाओं को खेल एवं सकारात्मक गतिविधियों से जोड़ने का कार्य किया जा रहा है। इस दौरान गांव के युवाओं में खेल के प्रति विशेष उत्साह देखने को मिला। ग्रामीणों ने भी इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे प्रयास गांव के युवाओं को नई दिशा देने के साथ समाज में सकारात्मक वातावरण तैयार करने का काम करेंगे।

खजांची तालाब हादसा : 20 घंटे बाद मिला युवक का शव, परिजनों में आक्रोश

हजारीबाग शहर स्थित खजांची तालाब में शुक्रवार की देर शाम हुए दर्दनाक हादसे ने पूरे इलाके को झकझोर कर रख दिया। तालाब में डूबे युवक का शव करीब 20 घंटे बाद शनिवार दोपहर गोताखोरों की मदद से बाहर निकाला गया। घटना के बाद मृतक के परिजनों और स्थानीय लोगों में जिला प्रशासन एवं नगर निगम की कार्यशैली को लेकर भारी आक्रोश देखा गया। जानकारी के अनुसार शुक्रवार शाम करीब पांच बजे चार युवक खजांची तालाब घूमने पहुंचे थे। इसी दौरान दो युवक तालाब में तैरने के लिए उतर गए। कुछ देर बाद एक युवक सुरक्षित बाहर निकल आया, जबकि दूसरा युवक कमांडो वर्मा (22 वर्ष), पिता स्वर्गीय रामचन्द्र वर्मा, निवासी ओकनी, गहरे पानी में डूब गया। युवक के डूबने की सूचना मिलते ही आसपास अफरा-तफरी मच गई और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग तालाब के आसपास जुट गए। घटना की जानकारी मिलने के बाद परिजन भी मौके पर पहुंचे और युवक को सुरक्षित बाहर निकालने के लिए जिला प्रशासन, नगर निगम तथा जनप्रतिनिधियों से मदद की गुहार लगाई। देर शाम तक स्थानीय स्तर पर युवक की तलाश की जाती रही, लेकिन पर्याप्त संसाधन और प्रशिक्षित गोताखोर उपलब्ध नहीं होने के कारण राहत कार्य सफल नहीं हो सका। इस दौरान परिजनों ने जिला प्रशासन को पूरी तरह विफल बताते हुए नाराजगी जाहिर की। घटना की सूचना मिलने पर सदर विधायक प्रदीप प्रसाद भी मौके पर पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया। देर शाम होने के कारण तत्काल प्रभावी रेस्क्यू अभियान चलाने में कठिनाई हुई। इसके बाद विधायक की पहल पर शनिवार सुबह चौपारण से गोताखोरों की टीम बुलाई गई। गोताखोरों ने कई घंटे की मशक्कत के बाद तालाब से कमांडो वर्मा का शव बाहर निकाला। करीब 20 घंटे बाद जैसे ही युवक का शव पानी से बाहर निकाला गया, मौके पर मौजूद परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया। पूरे इलाके में मातम का माहौल व्याप्त हो गया। इसके बाद पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी होने के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। प्रचंड धूप के बीच लगातार मौके पर मौजूद रहकर राहत कार्य की निगरानी करते दिखे विधायक प्रदीप प्रसाद ने मीडिया से बातचीत में कहा कि उन्होंने पूर्व में भी विधानसभा में हजारीबाग जिले में एनडीआरएफ टीम की मांग गंभीरता से उठाई थी, लेकिन अब तक इस दिशा में कोई ठोस पहल नहीं हो सकी। उन्होंने कहा कि यदि जिले में एनडीआरएफ की टीम उपलब्ध रहती तो राहत एवं बचाव कार्य में इतनी परेशानी नहीं होती। इस घटना के बाद एक बार फिर हजारीबाग जिले में आपदा प्रबंधन व्यवस्था, तालाबों की सुरक्षा और आपातकालीन बचाव संसाधनों की उपलब्धता को लेकर सवाल खड़े होने लगे हैं।

सीएम उत्कृष्ट विद्यालय (जिला स्कूल) का उपायुक्त ने किया निरीक्षण

हजारीबाग के सीएम उत्कृष्ट विद्यालय (जिला स्कूल) का आज 15 मई उपायुक्त श्री हेमन्त सती द्वारा निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने 12वीं की परीक्षा में अपेक्षाकृत बेहतर प्रदर्शन नहीं होने पर चिंता व्यक्त करते हुए विद्यालय की प्राचार्या श्रीमती निकिता कुमारी से मुलाकात की तथा शिक्षण व्यवस्था में सुधार लाने के निर्देश दिए।

निरीक्षण के क्रम में उपायुक्त ने विद्यालय में शिक्षकों की उपलब्धता की जानकारी ली। इस पर प्राचार्या ने बताया कि कक्षा 6 से 12 तक कुल 520 छात्र-छात्राएं अध्ययनरत हैं तथा सभी विषयों के लिए कुल 28 शिक्षक कार्यरत हैं।

उपायुक्त ने कहा कि विद्यार्थियों के कमजोर विषयों पर विशेष ध्यान देने की आवश्यकता है, ताकि विद्यालय का शैक्षणिक प्रदर्शन बेहतर हो सके। उन्होंने बच्चों की उपस्थिति की भी समीक्षा की तथा विभिन्न कक्षाओं में जाकर विद्यार्थियों से संवाद किया। इस दौरान उन्होंने छात्रों से उनके भविष्य के लक्ष्य के बारे में जानकारी प्राप्त की और उन्हें पढ़ाई के साथ-साथ प्रेरित करने पर भी जोर दिया।

उपायुक्त श्री सती ने विद्यार्थियों को पढ़ाई के बेहतर तरीके भी बताए। उन्होंने कहा कि किसी भी विषय की गहराई से समझ विकसित करें तथा पिछले 10 से 12 वर्षों के प्रश्नपत्रों का अध्ययन करें। जिन प्रश्नों को समझने में कठिनाई हो, उन्हें शिक्षकों से पूछें तथा मोबाइल का सकारात्मक उपयोग कर गुणवत्तापूर्ण अध्ययन सामग्री का लाभ उठाएं।

उन्होंने शिक्षकों को निर्देश दिया कि प्रत्येक अध्याय की पढ़ाई पूर्ण होने के बाद नियमित रूप से टेस्ट आयोजित करें तथा विद्यार्थियों को लिखकर अभ्यास करने के लिए प्रेरित करें।

निरीक्षण के अंत में उपायुक्त ने विद्यालय परिसर का अवलोकन किया तथा प्राचार्या को आवश्यक संसाधनों से संबंधित किसी भी समस्या को प्रशासन के संज्ञान में लाने को कहा एवं परिसर में साफ सफाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।उन्होंने विद्यार्थियों को अनुशासित रहकर पूरी मेहनत और लगन के साथ अध्ययन करने का संदेश दिया।

नीट परीक्षा रद्द एवं पेपर लीक मामले को लेकर झामुमो ने फूंका केंद्रीय शिक्षा मंत्री का पुतला

हजारीबाग: नीट परीक्षा रद्द होने एवं पेपर लीक मामले को लेकर शुक्रवार को झारखंड मुक्ति मोर्चा (झामुमो) द्वारा हजारीबाग के डिस्ट्रिक्ट बोर्ड चौक पर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का पुतला दहन किया गया। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार एवं भाजपा के खिलाफ जमकर नारेबाजी करते हुए शिक्षा व्यवस्था में व्याप्त भ्रष्टाचार और लापरवाही के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया।

प्रदर्शनकारियों ने कहा कि देश की सबसे महत्वपूर्ण परीक्षाओं में शामिल नीट का पेपर लीक होना और बाद में परीक्षा रद्द होना केंद्र सरकार की शिक्षा व्यवस्था की पूरी विफलता को दर्शाता है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार के कार्यकाल में लगातार प्रतियोगी परीक्षाएं भ्रष्टाचार, लापरवाही और पेपर माफियाओं की भेंट चढ़ रही हैं, जबकि सरकार केवल प्रचार-प्रसार में व्यस्त है।

झामुमो जिला अध्यक्ष संजीव बेदिया ने कहा कि भाजपा सरकार ने देश के युवाओं के भविष्य को मजाक बनाकर रख दिया है। लाखों छात्र-छात्राएं दिन-रात मेहनत कर परीक्षा की तैयारी करते हैं, लेकिन केंद्र सरकार की लापरवाही और भ्रष्ट व्यवस्था के कारण उनकी मेहनत पर पानी फिर जाता है। उन्होंने कहा कि सरकार सिर्फ भाषण और विज्ञापन में चल रही है, जबकि जमीनी स्तर पर शिक्षा व्यवस्था पूरी तरह चरमरा चुकी है। नीट परीक्षा रद्द होना इस बात का प्रमाण है कि केंद्र सरकार परीक्षा कराने तक में सक्षम नहीं रह गई है।

उन्होंने आगे कहा कि पेपर लीक कोई सामान्य घटना नहीं बल्कि संगठित भ्रष्टाचार का हिस्सा बन चुका है और भाजपा सरकार पेपर माफियाओं पर कार्रवाई करने के बजाय अपनी छवि बचाने में लगी हुई है। उन्होंने दोषियों की शीघ्र गिरफ्तारी एवं पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की।

वहीं झामुमो जिला सचिव नीलकंठ महतो ने कहा कि आज देश का युवा खुद को ठगा हुआ महसूस कर रहा है। वर्षों की कठिन मेहनत और अभिभावकों की उम्मीदों के बाद छात्र परीक्षा देते हैं, लेकिन भाजपा शासन में हर बड़ी परीक्षा विवाद और घोटालों का शिकार हो रही है। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार युवाओं को रोजगार देने में विफल रही है और अब उनकी परीक्षाओं की विश्वसनीयता भी समाप्त कर रही है।

नीलकंठ महतो ने कहा कि भाजपा सरकार शिक्षा और युवाओं के मुद्दों पर पूरी तरह असंवेदनशील हो चुकी है। एक तरफ छात्र मानसिक तनाव और भविष्य की चिंता से जूझ रहे हैं, वहीं केंद्र सरकार जवाबदेही से बचने का प्रयास कर रही है। उन्होंने कहा कि यदि छात्रों के भविष्य के साथ खिलवाड़ बंद नहीं हुआ तो झामुमो सड़क से लेकर सदन तक आंदोलन को और तेज करेगा।

इस मौके पर जिला अध्यक्ष संजीव बेदिया, जिला सचिव नीलकंठ महतो, केंद्रीय सदस्य सुनील शर्मा, जिला उपाध्यक्ष रंजीत मेहता, जिला प्रवक्ता कुणाल यादव, सह सचिव अब्दुल्ला खां, नगर अध्यक्ष नवीन प्रकाश, नगर सचिव निसार अहमद, युवा मोर्चा जिला उपाध्यक्ष सत्येंद्र मेहता, रवि सिंह, रामकुमार मेहता, बीरबल मेहता, सोहन मेहता, मुकेश रावत, बल कुमार महतो, राजेश मेहता, अख्तर अंसारी, बबलू चंद्रवंशी, रीना कुमारी, प्यारी देवी, उमेश प्रसाद गुप्ता, साजमा खातून, राजीव वर्मा, रिक्की लकड़ा, पिंटू कुमार, रंजीत कुमार, सतीश कुमार, विपुल कुमार, गोलू कुमार, अजय मेहता, ऋषि मेहता, दिलीप कुमार, श्वेता दुबे, शानू गोस्वामी, अभिजीत कुमार, रोहित कुमार, आयुष कुमार, आनंद कुमार, दीपक कुमार समेत कई अन्य लोग उपस्थित थे।

शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल में 4 मौतों से मचा हड़कंप, परिजनों ने लगाया लापरवाही का आरोप

शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल एक बार फिर अपनी बदहाल स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर सुर्खियों में है। गुरुवार और शुक्रवार के बीच अस्पताल परिसर में हुई चार मौतों ने पूरे शहर को झकझोर कर रख दिया है। मृतकों के परिजनों ने अस्पताल प्रबंधन, चिकित्सकों तथा नर्सिंग स्टाफ पर गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया है। आरोप है कि समय पर ऑक्सीजन उपलब्ध नहीं होने, इलाज में देरी तथा अस्पताल की अव्यवस्थित कार्यशैली के कारण मरीजों की जान चली गई। घटना के बाद अस्पताल परिसर में अफरा-तफरी और आक्रोश का माहौल बना रहा। 

परिजनों का कहना था कि अस्पताल में मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है, लेकिन व्यवस्था पूरी तरह चरमराई हुई है। कई वार्डों में आवश्यक संसाधनों की कमी है, वहीं मरीजों को समय पर चिकित्सकीय सहायता नहीं मिल पा रही है। 

जानकारी के अनुसार मृतकों में हजारीबाग शहर के महावीर स्थान निवासी पवन कुमार अग्रवाल शामिल हैं, जिनकी मौत समय पर ऑक्सीजन नहीं मिलने के कारण होने का आरोप लगाया गया है।

 दूसरी मृतका कटकमसांडी प्रखंड के बंझिया गांव निवासी शोभा देवी, पति दीना यादव थीं। वहीं तीसरी मृतका शिवपुरी निवासी सरिता कुमारी, पति मनजीत कुमार बताई जा रही हैं। चौथी मौत एक अन्य व्यक्ति की हुई है,बताया जा रहा है कि शोभा देवी की मौत के बाद उनका नवजात शिशु भी गंभीर स्थिति में था।

 इस संवेदनशील मामले की जानकारी जैसे ही हजारीबाग विधायक प्रदीप प्रसाद को मिली, वे तत्काल अस्पताल पहुंचे। विधायक ने मृतकों के परिजनों से मुलाकात कर उन्हें ढांढस बंधाया और पूरे घटनाक्रम की जानकारी ली। 

इस दौरान अस्पताल परिसर में मौजूद लोगों ने विधायक के समक्ष स्वास्थ्य व्यवस्था की कई खामियां भी गिनाईं। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए विधायक प्रदीप प्रसाद ने तत्काल मानवीय पहल करते हुए मृतक शोभा देवी के नवजात शिशु को बेहतर इलाज के लिए अपने निजी खर्च पर क्षितिज अस्पताल में भर्ती कराया। जानकारी के अनुसार नवजात की हालत नाजुक बनी हुई थी, जिसके बाद उसे निजी अस्पताल रेफर किया गया। 

विधायक ने न केवल तत्काल इलाज की व्यवस्था कराई, बल्कि बच्चे के आगे के संपूर्ण इलाज का खर्च भी स्वयं उठाने की बात कही। अस्पताल परिसर में मीडिया से बातचीत करते हुए विधायक प्रदीप प्रसाद ने अस्पताल प्रशासन पर गंभीर सवाल खड़े किए। उन्होंने कहा कि जिस अस्पताल में मरीजों को समय पर ऑक्सीजन तक उपलब्ध नहीं हो पा रही हो, वहां की स्वास्थ्य व्यवस्था की स्थिति का सहज अंदाजा लगाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि सरकारी अस्पतालों पर आम लोगों का भरोसा लगातार कमजोर होता जा रहा है और यह बेहद चिंताजनक विषय है।

 विधायक ने अस्पताल अधीक्षक एवं उपायुक्त से संबंधित चिकित्सकों से बातचीत कर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने तथा दोषियों के विरुद्ध शीघ्र कार्रवाई करने की मांग की। उन्होंने स्पष्ट कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं में किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। यदि समय रहते व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ तो मामले को सरकार और स्वास्थ्य विभाग के उच्च अधिकारियों के समक्ष प्रमुखता से उठाया जाएगा। घटना के बाद अस्पताल परिसर में भारी संख्या में लोग जुटे रहे। परिजनों और स्थानीय लोगों ने अस्पताल प्रबंधन के खिलाफ नाराजगी जाहिर करते हुए स्वास्थ्य व्यवस्था में सुधार की मांग की। कई लोगों ने कहा कि अस्पताल में संसाधनों की कमी, कर्मियों की उदासीनता और अव्यवस्थित प्रबंधन के कारण मरीजों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। इधर, लगातार सामने आ रहे आरोपों के बाद स्वास्थ्य विभाग भी हरकत में आ गया है। पूरे मामले की जांच की तैयारी शुरू कर दी गई है।

हजारीबाग: पेलावल पुलिस ने 169 ग्राम ब्राउन शुगर के साथ तीन धंधेबाजों को किया गिरफ्तार

हजारीबाग पुलिस ने नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ एक बड़ी सफलता हासिल की है। जिले के पेलावल ओ.पी. क्षेत्र के पबरा गांव में छापेमारी कर पुलिस ने 169 ग्राम अवैध ब्राउन शुगर बरामद की है। इस मामले में पुलिस ने दो युवकों और एक महिला सप्लायर समेत कुल तीन आरोपियों को रंगे हाथ गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।

गुप्त सूचना पर हुई कार्रवाई पुलिस अधीक्षक को 14 मई 2026 की सुबह गुप्त सूचना मिली थी कि पबरा गांव में अवैध ब्राउन शुगर की खरीद-बिक्री की जा रही है। सूचना के सत्यापन और कार्रवाई के लिए अपर पुलिस अधीक्षक (मुख्यालय) अमित कुमार के नेतृत्व में एक विशेष छापामारी दल का गठन किया गया।

जंगल से हुई गिरफ्तारी छापामारी दल ने त्वरित कार्रवाई करते हुए पबरा गांव के बोंगा रोड स्थित जंगल में दबिश दी। वहां से पुलिस ने अविनाश कुमार (ग्राम पबरा) और संदीप कुमार उर्फ निक्की (ग्राम हदारी, ईचाक) को 169 ग्राम ब्राउन शुगर के साथ पकड़ा। पूछताछ में खुलासा हुआ कि उन्हें नशे की यह खेप किरण कुमारी उर्फ काजल कुमार (पति दीपक कुमार मेहता) द्वारा सप्लाई की गई थी, जिसके बाद पुलिस ने उसे भी गिरफ्तार कर लिया।

जप्त सामग्री और आपराधिक इतिहास पुलिस ने आरोपियों के पास से 169 ग्राम ब्राउन शुगर के अलावा 2 मोबाइल फोन भी बरामद किए हैं। पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी संदीप कुमार उर्फ निक्की का पुराना आपराधिक इतिहास रहा है। उसके खिलाफ ईचाक थाना में पहले से ही एनडीपीएस एक्ट (NDPS Act) के तहत दो मामले (कांड संख्या 164/2025 और 31/2026) दर्ज हैं।

पुलिस टीम में शामिल अधिकारी इस सफल अभियान में एएसपी अमित कुमार, सदर एसडीपीओ अमित आनंद (IPS), पेलावल ओ.पी. प्रभारी वेद प्रकाश पाण्डेय, ईचाक थाना प्रभारी गौतम कुमार और लोहसिंघना थाना प्रभारी निशांत केरकेट्टा समेत सशस्त्र बल के जवान शामिल थे। पुलिस ने कटकमसांड़ी (पेलावल) थाना में कांड संख्या 70/2026 दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी है।

शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल में महिला मरीज की मौत, स्वास्थ्य व्यवस्था पर उठे सवाल

हजारीबाग जिले के शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल में इलाज के दौरान एक महिला मरीज की मौत के बाद स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर सवाल उठने लगे हैं। पूर्व सदर विधानसभा प्रत्याशी के निजी मीडिया प्रतिनिधि विक्की कुमार धान ने मामले की निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए अस्पताल प्रशासन की कार्यप्रणाली पर चिंता जताई है।

जानकारी के अनुसार मृतका उत्तरी शिवपुरी निवासी सरिता कुमारी थीं, जो थैलेसीमिया से पीड़ित थीं और नियमित इलाज के लिए अस्पताल आती थीं। बताया गया कि वे अपने पति एवं 8 वर्षीय पुत्री के साथ उपचार हेतु अस्पताल पहुंची थीं, जहां चिकित्सकीय जांच के बाद उन्हें भर्ती कर इलाज शुरू किया गया। परिजनों का आरोप है कि इलाज के दौरान अचानक उनकी तबीयत बिगड़ने लगी तथा उन्हें सांस लेने में परेशानी हुई। इस दौरान अस्पताल कर्मियों से सहायता की मांग की गई, लेकिन स्थिति लगातार गंभीर होती चली गई और उपचार के क्रम में उनकी मृत्यु हो गई। घटना की सूचना मिलने के बाद विक्की कुमार धान अस्पताल पहुंचे और पूरे मामले की जानकारी लेने का प्रयास किया। उन्होंने अस्पताल अधीक्षक डॉ. के.के. सिंह से मुलाकात करने की कोशिश की, लेकिन संपर्क नहीं हो सका। वहीं दूरभाष पर भी बातचीत नहीं हो पाई। विक्की कुमार धान ने कहा कि अस्पताल प्रशासन को ऑक्सीजन उपलब्धता, आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं एवं मरीजों की सुविधा से जुड़ी व्यवस्थाओं को लेकर समय-समय पर स्पष्ट जानकारी सार्वजनिक करनी चाहिए, ताकि आम लोगों का भरोसा स्वास्थ्य व्यवस्था पर बना रहे। उन्होंने स्वास्थ्य विभाग एवं जिला प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर आवश्यक कार्रवाई करने की मांग की है।

वीएचएसएनडी कार्यक्रम के तहत हजारीबाग में मातृ, शिशु एवं किशोरियों को मिली विभिन्न स्वास्थ्य सेवा

हजारीबाग जिले के विभिन्न प्रखंडों में गुरुवार को ग्राम स्वास्थ्य, स्वच्छता एवं पोषण दिवस (VHSND) के अवसर पर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों तथा आंगनबाड़ी केंद्रों में एएनएम, सहिया एवं अन्य स्वास्थ्यकर्मियों द्वारा विभिन्न प्रकार की स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराई गईं।

कार्यक्रम के तहत गर्भवती महिलाओं की स्वास्थ्य जांच की गई, जिसमें रक्त जांच, गर्भ परीक्षण, टीटी टीकाकरण के साथ-साथ आयरन, फोलिक एसिड एवं कैल्सियम की दवाएं वितरित की गईं। साथ ही उन्हें संतुलित आहार एवं सुरक्षित मातृत्व से संबंधित आवश्यक जानकारी दी गई। बच्चों के लिए नियमित टीकाकरण, स्वास्थ्य परीक्षण, विकास की निगरानी एवं पूरक पोषण आहार की सुविधा उपलब्ध कराई गई, जिससे उनके समग्र शारीरिक एवं मानसिक विकास को प्रोत्साहन मिल सके। किशोरियों को कार्यक्रम के दौरान हीमोग्लोबिन जांच, आयरन-फोलिक एसिड की गोलियां, पोषण संबंधी परामर्श तथा मासिक धर्म स्वच्छता से जुड़ी जानकारी प्रदान की गई। इसके अतिरिक्त उन्हें जीवन कौशल एवं स्वास्थ्य जागरूकता से संबंधित प्रशिक्षण भी दिया गया। शून्य से पांच वर्ष तक के बच्चों के लिए जन्म के तुरंत बाद स्तनपान की शुरुआत, उचित शिशु देखभाल, नियमित टीकाकरण एवं बीमारियों की समय पर पहचान एवं उपचार पर विशेष बल दिया गया।

इस संबंध में उपायुक्त श्री हेमन्त सती ने कहा कि वीएचएसएनडी कार्यक्रम के माध्यम से गांव स्तर पर ही गर्भवती महिलाओं, बच्चों एवं किशोरियों को समय पर जांच, दवाएं और पोषण संबंधी सलाह उपलब्ध कराई जा रही है। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन का लक्ष्य कुपोषण और बीमारियों की रोकथाम के लिए इन सेवाओं की नियमित और प्रभावी पहुंच सुनिश्चित करना है।

उपायुक्त की अध्यक्षता में कॉरपोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी (सीएसआर) की समीक्षा बैठ

उपायुक्त हेमन्त सती की अध्यक्षता में आज 13 मई को समाहरणालय सभागार में कॉरपोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी (सीएसआर) योजनाओं की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में हजारीबाग जिलांतर्गत कार्यरत विभिन्न कंपनियों द्वारा वित्तीय वर्ष 2024-25 में किए गए कार्यों की विस्तृत समीक्षा की गई।

उपायुक्त ने बैठक के दौरान कहा कि विभिन्न कंपनियों द्वारा प्राप्त सीएसआर निधि का उपयोग जिले के समग्र विकास तथा विशेष रूप से खनन प्रभावित क्षेत्रों के उन्नयन हेतु सुनियोजित एवं प्रभावी तरीके से किया जाना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने निर्देश दिया कि योजनाओं के प्रस्ताव को जिला प्रशासन को भेजने से पूर्व उसका समुचित एवं विस्तृत रूप से परीक्षण किया जाए, ताकि योजनाएं व्यवहारिक एवं जनहितकारी हों। 

उन्होंने यह भी निर्देश दिया कि सभी संबंधित कंपनियां आगामी 10 दिनों के भीतर वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए प्रस्तावित कार्यों की सूची, जिन्हें वे स्वयं या कार्यकारी एजेंसियों के माध्यम से क्रियान्वित करने जा रही हैं, उसे जिला प्रशासन को अनिवार्य रूप से उपलब्ध कराएं।

उपायुक्त ने कंपनियों को विशेष रूप से खनन एवं प्रभावित क्षेत्रों में प्राथमिकता के आधार पर विकासात्मक कार्य करने का निर्देश दिया। साथ ही उन्होंने गत वित्तीय वर्ष में स्वीकृत योजनाओं को 30 जून 2026 तक हर हाल में पूर्ण करने के निर्देश दिए।

बैठक में उपायुक्त ने सभी सीएसआर प्रभारी को निर्देशित किया कि वे वित्तीय वर्ष 2026-27 के संभावित व्यय प्रस्तावों की विस्तृत रूपरेखा तैयार कर अगली बैठक में पीपीटी के माध्यम से प्रस्तुत करें।

बैठक में उप विकास आयुक्त श्रीमती रिया सिंह, अनुमंडल पदाधिकारी श्री आदित्य पांडेय, जिला योजना पदाधिकारी श्री पंकज कुमार तिवारी सहित अन्य संबंधित अधिकारी एवं विभिन्न कंपनियों के प्रतिनिधि उपस्थित थे।