औराई पुलिस ने गांजा तस्कर को पकड़ा: 22 किलो से अधिक अवैध गांजा, मोटरसाइकिल, मोबाइल बरामद


रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव


भदोही। भदोही पुलिस ने मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। औराई थाना पुलिस ने बुधवार को एक अंतरराज्यीय गांजा तस्कर को गिरफ्तार किया। उसके पास से 22 किलोग्राम 494 ग्राम अवैध गांजा, एक मोटरसाइकिल और एक एंड्रॉइड मोबाइल फोन बरामद किया गया। बरामद गांजे की अनुमानित कीमत 10 लाख 34 हजार 900 रुपये बताई जा रही है। पुलिस अधीक्षक अभिनव त्यागी के निर्देश पर और अपर पुलिस अधीक्षक शुभम अग्रवाल के पर्यवेक्षण में यह कार्रवाई की गई। मुखबिर की सूचना पर पुलिस टीम ने प्रयागराज निवासी विकास उर्फ दीपक भारतीया (उम्र 21 वर्ष) को पुरुषोत्तमपुर तिराहे से कोठरा ओवर ब्रिज वाली सड़क मार्ग से पकड़ा।
विकास उर्फ दीपक भारतीया पुत्र रामचंद्र भारतीया, गांधीनगर बजहा मिश्रान, थाना हंडिया, जनपद प्रयागराज का निवासी है। पूछताछ में उसने बताया कि वे लोग सस्ते दाम पर गांजा खरीदकर महंगे दाम पर बेचते थे और मुनाफे को बराबर बांटकर ऐशो-आराम की जिंदगी जीते थे। गिरफ्तार अभियुक्त के खिलाफ थाना औराई में मु0अ0सं0 265/2026 धारा 8/20 एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया है। विधिक कार्यवाही पूरी कर उसे न्यायालय में पेश किया गया। पुलिस ने बताया कि इस गिरोह के कुछ अन्य सदस्य अभी भी वांछित हैं, जिनकी तलाश जारी है।


गिरफ्तारी व बरामदगी करने वाली पुलिस टीम

*टीम -1* निरीक्षक श्री शेतांषु शेखर पंकज, रि०का० दीपक कुमार, रि०का० फैजान, का० राहुल थाना औराई जनपद भदोही।
*टीम - 2* उ0नि0 राजकुमार पाण्डेय प्रभारी स्वाट/सर्विलांस सेल, हे0कां0 राधेश्याम कुशवाहा, हे0कां0 धीरेन्द्र श्रीवास्तव, हे0कां0 बृजेश सूर्यवंशी,हे0कां0 नागेन्द्र यादव, कां0 गोपाल खरवार, कां0 नीरज यादव, कां0 राघवेन्द्र कुशवाहा,कां0 मन्नू सिंह, कां0 सुनील पाल, कां0 सुनील कन्नौजिया,कां0 हिमांशु सिंह, कां0 दीपक यादव, कां0 प्रत्युष पाठक समस्त सर्विलांस/स्वाट टीम।
ढाई साल में पूरा होगा सीतामढ़ी-धनतुलसी-डेंगुरपुर पक्का पुल का काम

नितेश श्रीवास्तव

भदोही। जिले में लोक निर्माण विभाग की चार प्रमुख परियोजनाओं की समयसीमा तय कर दी गई है। चार प्रमुख परियोजनाओं में सीतामढ़ी-धनतुलसी-डेंगुरपुर पक्का पुल निर्माण को दो से ढाई साल में पूरा किया जाना है। इसके अलावा तीन अन्य प्रमुख परियोजनाओं में दो को नौ माह और एक को सवा साल में हर हाल में पूरा करने का लक्ष्य है। विभाग की ओर से कार्ययोजना की लागत और लंबाई के आधार पर समयसीमा तय की गई है। समयसीमा तय होने के बाद विभागीय स्तर से तैयारियां तेज कर दी गई हैं। शासन की ओर से ज्ञानपुर विधानसभा के सीतामढ़ी पक्का पुल के लिए 320 करोड़ रुपये की स्वीकृति मिली है। इसके अलावा औराई विधानसभा क्षेत्र के जीटी रोड माधोसिंह से खमरिया तक छह किलोमीटर सड़क के लिए 10. 11 करोड़, ज्ञानपुर विधानसभा क्षेत्र के सिंहपुर नहर से खरगापुर प्रयागराज सीमा तक की 12 किलोमीटर सड़क के लिए 16.70 करोड़ और दुर्गागंज-गोपीगंज मिर्जापुर के 25.40 किलोमीटर मार्ग के चौड़ीकरण के लिए 70.20 करोड़ रुपये की मंजूरी मिली है। शासन की ओर से 5 करोड़ से ऊपर की सड़क परियोजनाओं को पूरा करने के लिए पीडब्ल्यूडी की समयसीमा तय कर दी गई है। 20 करोड़ रुपये तक के काम 9 माह, 20 करोड़ से 100 करोड़ रुपये तक के काम 15 माह, 100 करोड़ से 300 करोड़ तक के काम 18 माह में और 300 करोड़ से अधिक के काम 24-30 माह में पूरे करने होंगे।



सड़कों के निर्माण और मरम्मत की समय सीमा तय की गई है। परियोजनाओं की लागत और लंबाई के आधार पर टाइम लाइन बनाई गई है। उसी आधार पर कार्यदायी संस्था को तय समय के भीतर समय से काम पूरा किए जाने का निर्देश दिया गया है।
बुखार होने पर डाॅक्टर की सलाह पर ही लें दवा
रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव


भदोही। जिले में मौसम के उतार-चढ़ाव के बीच अस्पताल में बुखार के मरीजों की संख्या बढ़ी है। हालांकि कई लोग इसे सामान्य बुखार समझकर बिना चिकित्सकीय परामर्श के ही मेडिकल स्टोर से दवा लेकर खा रहे हैं। चिकित्सकों का कहना है कि वर्तमान समय में अगर बुखार हो तो चिकित्सकों की परामर्श पर ही दवाओं का सेवन करना चाहिए। जांच भी जरूर कराना चाहिए।
जिला अस्पताल में औसतन ओपीडी 900 के आसपास है। इन दिनों मौसम में उतार चढ़ाव की वजह से बुखार के मरीजों की संख्या में काफी इजाफा हुआ है। जिला अस्पताल के फिजीशियन डॉ. प्रदीप यादव ने बताया कि ओपीडी मेंं इस समय 200 मरीज बुखार से पीड़ित आ रहे हैं। कोल ड्रिंक और फ्रीज का पानी पीने से गले में खराश हो रहा है। कहा कि ठंड महसूस और बदन दर्द होने पर जांच कराना चाहिए।
असमंजस में फंस गए हैं सराफा कारोबारी

*ग्राहकों की आमद में कमी,खर्च निकालना मुश्किल,मदद नहीं की गई तो हजारों लोग हो जाएंगे बेरोजगार*


नितेश श्रीवास्तव

भदोही। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के सोना एक साल तक न खरीदने की अपील ने आभूषण कारोबारियों की नींद उड़ा दी है। इन दिनों दुकानों पर ग्राहकों की आमद कम हो गई है। सरकार ने कारोबारियों और दुकानदारों की मदद नहीं की तो हजारों लोगों के बेरोजगार होने से इन्कार नहीं किया जा सकता। उधर, सोने एवं चांदी के दाम में लगी आग ने इसे आम आदमी की पहुंच से दूर कर दिया है। बता दें कि अमेरिका और ईरान युद्ध का असर पूरी दुनिया में देखा जा रहा है। इससे भारत भी अछूता नहीं है। रसोई गैस सिलेंडर, पेट्रोल एवं डीजल को लेकर लोग परेशान हैं।
इस बीच गत दिनों पीएम नरेंद्र मोदी ने लोगों से आह्वान किया था कि सोना न खरीदें उसके बाद से कारोबारियों की बेचैनी बढ़ गई है। जिले में गोपीगंज, खमरिया एवं भदोही शहर में आभूषण की बड़ी दुकानें हैं। हालांकि कोई बड़ा शोरुम नहीं है, लेकिन हजारों की तादाद में छोटी एवं बड़ी दुकानें संचालित होती है, जहां बड़ी तादाद में लोग नौकरी करते हैं। महंगाई और सोने की बिक्री कम होने के बाद बेरोजगार बढ़ने से इनकार नहीं किया जा सकता। उल्लेखनीय है कि युद्ध के कारण कालीन कारोबार पर भी व्यापक असर पड़ा है। अमेरिकी टैरिफ बढ़ने के दौरान क‌ई कालीन कंपनियों ने मजदूरों की छंटनी तक कर दी थी। हालांकि बाद में हालात थोड़ा सुधरे थे। इस बीच, एक बार फिर युद्ध के कारण दिक्कतें आ रही है। समुद्री मार्ग बाधित होने तथा बायरों द्वारा
आर्डर नहीं दिए जाने से समस्या बढ़ रही है। अब इस बीच आभूषण को लेकर उड़ रही अफवाहों के कारण दुकानों एवं प्रतिष्ठानों पर काम करने वालों पर इसका असर पड़ना तय है।
लालानगर टोल प्लाजा स्टाम्प वाद में जिलाधिकारी का बड़ा फैसला, 62.87 करोड़ की कमी स्टाम्प शुल्क व 6.28 करोड़ अर्थदण्ड का आदेश
रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। जनपद भदोही से संबंधित एक अत्यंत महत्वपूर्ण एवं प्रदेश के बड़े स्टाम्प वादों में शामिल प्रकरण में न्यायालय कलेक्टर/जिलाधिकारी द्वारा दिनांक 08 मई 2026 को ऐतिहासिक निर्णय पारित किया गया है। जिलाधिकारी न्यायालय में लालानगर टोल प्लाजा पर स्टाम्प वाद में स्टाम्प कमी पाये जाने पर वसूली के आदेश पारित किया गया। प्रदेश में सबसे बड़ी कार्यवाही में एक है। जिलाधिकारी द्वारा पारित यह निर्णय जनहित, राजस्व संरक्षण तथा विधिक पारदर्शिता की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।
प्रकरण में सहायक महानिरीक्षक निबंधन भदोही की आख्या पर दिनांक 20/06/2025 को स्टाम्प वाद दर्ज हुआ। भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण एवं काशी टोलवेज प्रा० लि० के मध्य दिनांक 18 मार्च 2023 को निष्पादित “कन्सेशन एग्रीमेन्ट” का परीक्षण किया गया।न्यायालय द्वारा यह निर्धारित किया गया कि उक्त एग्रीमेन्ट वास्तविक स्वरूप में भारतीय स्टाम्प अधिनियम, के अंतर्गत “पट्टा विलेख” की श्रेणी में आता है।
उक्त विलेख के माध्यम से प्रतिपक्षी कंपनी को जनपद भदोही स्थित राष्ट्रीय राजमार्ग खंड पर 15 वर्षों की अवधि हेतु टोल वसूली, संचालन, प्रबंधन एवं अनुरक्षण का विशिष्ट अधिकार प्रदान किया गया था, जिसके प्रतिफलस्वरूप कुल रू0 31,44,00,00,000/- (इक्तीस सौ चवालीस करोड़ रुपये) की धनराशि देय थी।
न्यायालय द्वारा विलेख की शर्तों, पक्षकारों द्वारा प्रस्तुत आपत्तियों, उपलब्ध अभिलेखों, प्रासंगिक विधिक प्रावधानों एवं न्यायिक दृष्टांतों का गहन परीक्षण किए जाने के उपरांत यह निष्कर्ष निकाला गया कि उक्त विलेख पर देय स्टाम्प शुल्क रू0 62,88,00,000/- था, जबकि केवल रू0 100/- का स्टाम्प शुल्क अदा किया गया था। इस प्रकार रू0 62,87,99,900/- की स्टाम्प शुल्क कमी सिद्ध पाई गई।
निर्णय में माननीय सर्वाेच्च न्यायालय के महत्वपूर्ण निर्णय रीवा टोलवे प्रा० लि० बनाम मध्य प्रदेश राज्य सहित अन्य प्रासंगिक न्यायिक दृष्टांतों का उल्लेख करते हुए यह प्रतिपादित किया गया कि टोल वसूली से संबंधित “कन्सेशन एग्रीमेन्ट” भारतीय स्टाम्प अधिनियम की दृष्टि में “पट्टा” की श्रेणी में आते हैं।
अतः भारतीय स्टाम्प अधिनियम, के अंतर्गत आदेश पारित करते हुए रू0 62,87,99,900/- की कमी स्टाम्प शुल्क राशि मय ब्याज संबंधित लीज ग्रहीता कंपनी से वसूल किए जाने का निर्देश दिया गया है। इसके अतिरिक्त उक्त कमी स्टाम्प शुल्क राशि का 10 प्रतिशत अर्थात रू0 6,28,79,990/- अर्थदण्ड भी आरोपित किया गया है। साथ ही साथ भदोही में टोल कंपनी के विरुद्ध कमी स्टाम्प शुल्क संबंधी मुकदमा दर्ज होने के पश्चात पूरे प्रदेश में लगभग 55 टोल प्लाजा से सम्बन्धित अनुबंध विलेख में स्टाम्प ड्यूटी से सम्बन्धित मुकदमा दर्ज हुआ। यह निर्णय पूरे प्रदेश में विचाराधीन मुकदमों के लिए मील का पत्थर साबित होगा।
कलेक्ट्रेट परिसर में मल्टीपरपज हॉल का लोकार्पण:जिलाधिकारी ने चकबंदी अधिकारियों को सुव्यवस्थित कार्यप्रणाली अपनाने के निर्देश दिए

नितेश श्रीवास्तव

भदोही। कलेक्ट्रेट परिसर सरपतहाँ में चकबंदी विभाग के कर्मचारियों के लिए निर्मित मल्टीपरपज हॉल का लोकार्पण जिलाधिकारी शैलेष कुमार ने किया। लगभग 30.85 लाख रुपये की लागत से बने इस भवन का निर्माण भदोही औद्योगिक विकास प्राधिकरण (बीड़ा) द्वारा कराया गया है।
लोकार्पण के अवसर पर जिलाधिकारी ने चकबंदी अधिकारियों और कर्मचारियों को संबोधित किया। उन्होंने सभी को अपने पटलों पर अभिलेखों और कार्यालयीय पत्रावलियों का सुव्यवस्थित ढंग से रख-रखाव करने के निर्देश दिए। जिलाधिकारी ने कार्यों का निष्पादन पारदर्शिता, समयबद्धता और जिम्मेदारी के साथ सुनिश्चित करने पर जोर दिया।
उन्होंने कहा कि कार्यालय की व्यवस्था और कार्यशैली ऐसी होनी चाहिए, जिससे आमजन को अनावश्यक परेशानी न हो। शासन की मंशा के अनुरूप जनसुविधाओं को प्राथमिकता दी जानी चाहिए। जिलाधिकारी ने कार्यालय परिसर में स्वच्छता, अनुशासन और अभिलेखों के रख-रखाव पर विशेष ध्यान देने को कहा। उन्होंने अधिकारियों और कर्मचारियों से अपेक्षा की कि वे अपने दायित्वों का निर्वहन पूरी निष्ठा और दक्षता के साथ करें।
इस अवसर पर कुंवर विरेन्द्र मौर्य अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व), विजय नारायण सिंह अपर जिलाधिकारी (न्यायिक), भान सिंह उप जिलाधिकारी ज्ञानपुर/बन्दोबस्त अधिकारी चकबन्दी भदोही, अनीता देवी उप कार्यपालक अधिकारी बीडा भदोही, राज कुमार वर्मा चकबन्दी अधिकारी ज्ञानपुर, राकेश कुमार सिंह चकबन्दी अधिकारी भदोही और समस्त चकबन्दी स्टाफ उपस्थित रहे।
संकट मोचन के चरणों में नवाया शीश, मांगी कामना

*ज्येष्ठ माह के दूसरे मंगलवार को जिले में दिखा उत्साह*



नितेश श्रीवास्तव

भदोही। धार्मिक और वैज्ञानिक दृष्टियों से ज्येष्ठ मास बड़ा महत्व रहता है। माह के दूसरे मंगलवार को भगवान प्रभु श्रीराम के अन्नय भक्त हनुमान जी के मंदिरों में अधिक भीड़ नजर आई। सुबह एवं शाम को अधिक भीड़ देखी गई। लोगों ने दर्शन-पूजन करके मंगल की कामना किया। बता दें कि इस साल ज्येष्ठ माह की शुरूआत दो मई दिन शनिवार से हुई जबकि इसका समापन 29 जून सोमवार को होगा। यह माह शरीर और आत्मा की तपस्या, संयम और सेवा का प्रतीक भी माना जाता है। केवल पूजा-पाठ तक सीमित नहीं है, बल्कि सामाजिक सेवा का भी प्रतीक है। सड़कों पर प्यासे लोगों को पानी पिलाना, गरीबों को शीतल पेय और छाया देना, पशु-पक्षियों के लिए जल पात्र रखना ये सभी परंपराएं हमें दूसरों की मदद करना सिखाती हैं। धार्मिक दृष्टिकोण से ज्येष्ठ महीना का बड़ा महत्व है। इस महीने में विशेषट रूप से पानी पिलाना, दान करना, और व्रत-उपवास रखने का विशेष महत्व बताया गया है। इस महीने को धर्म, तप और सेवा का महीना कहा गया है। शहर के हनुमान बाग हनुमान मंदिर, श्रीराम मंदिर गजिया, हनुमान मंदिर पिपरी, रड़ई पाही दक्षिणमुखी हनुमान मंदिर, सीतामढ़ी, बाबा हरिहरनाथ मंदिर ज्ञानपुर, बाबा बड़े शिव गोपीगंज आदि मंदिरों में सुबह से लेकर शाम तक भक्तों की भीड़ नजर आई। अंजनी पुत्र के सामने लोगों ने शीश नवाकर मंगल की कामना किया। कई स्थानों पर प्रसाद वितरण का आयोजन भी किया गया था। दूसरे मंगलवार को दिन अल सुबह से लेकर रात तक दर्शन-पूजन का क्रम जारी रहा। कई स्थानों पर प्रसाद वितरण कार्यक्रम भी किया गया था।
डिजिटल प्लेटफॉर्म से होगी गणित-विज्ञान की पढ़ाई
नितेश श्रीवास्तव

भदोही। जिले के माध्यमिक विद्यालयों में पंजीकृत कक्षा नौ से 12 तक के छात्र-छात्राओं की पढ़ाई का तरीका इस बार बदला जा रहा है। गणित और विज्ञान जैसे विषयों को आसान तरीके से समझाने के लिए शिक्षा विभाग ने साइंस, टेक्नोलॉजी, इंजीनियरिंग और मैथमेटिक्स आधारित कार्यक्रम लागू करने के निर्देश जारी किया है। अब तक 50 विद्यालय डिजिटल प्लेटफाॅर्म से जुड़ गए हैं। पांच हजार विद्यार्थियों ने पंजीकरण भी करा लिया है। जिले में 38 राजकीय, 25 वित्तपोषित और 130 से अधिक वित्तविहीन विद्यालय संचालित हैं। इसमें नौवीं से 12वीं तक करीब डेढ़ लाख छात्र-छात्राएं पंजीकृत हैं। गर्मी की छुट्टी में छात्र-छात्राओं को डिजिटल प्लेफाॅर्म से पढ़ाई का मौका दिया जाएगा। जिससे उनकी समझ और प्रदर्शन बेहतर हो सके। डीआईओएस अंशुमान ने बताया कि जिले के 50 विद्यालय इस प्लेटफॉर्म से जुड़ चुके हैं, जो बेहतर प्रगति को दर्शाता है। माध्यमिक विद्यालयों में खान एकेडमी के माध्यम से गणित और विज्ञान की पढ़ाई को नई दिशा दी जाएगी। विशेष शैक्षणिक गतिविधियां संचालित करते हुए छात्रों को इससे जोड़ा जा रहा है। अब तक पांच हजार से अधिक विद्यार्थियों का पंजीकरण किया जा चुका है। डीआईओएस ने सभी प्रधानाचार्यों को निर्देश जारी करते हुए कहा कि वे पहले खान एकेडमी प्लेटफॉर्म पर अपना पंजीकरण कराएं, इसके बाद विद्यार्थियों का रजिस्ट्रेशन सुनिश्चित करें। जिन छात्रों का अब तक पंजीकरण नहीं हुआ है, उनका डेटा तत्काल अपडेट करते हुए उन्हें लॉग इन आईडी और पासवर्ड उपलब्ध कराया जाए। इसके साथ ही साप्ताहिक समय-सारणी तैयार करने के निर्देश भी दिए गए। कक्षा नौ से 12 तक के विद्यार्थियों के लिए गणित और विज्ञान की कम से कम दो कक्षाएं खान एकेडमी के माध्यम से संचालित की जाएंगी। छात्र वीडियो लेक्चर, क्विज और प्रैक्टिस मॉड्यूल के जरिये विषयों को बेहतर ढंग से समझ सकेंगे।
सीएचसी औराई-गोपीगंज में शीघ्र लगेगा हेल्थ एटीएम

स्वास्थ्य विभाग द्वारा मरीजों को बेहतर सुविधा मुहैया कराने का प्रयास निरंतर चल रहा है। अब मरीजों को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र औराई, गोपीगंज में जांच के लिए घंटों कतार में लगने की जरूरत नहीं होगी। यहां हेल्थ एटीएम लगाई जाएगी। हेल्थ एटीएम से करीब 34 प्रकार की जांचें होंगी। गिर्दबडगांव, लालानगर प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर एक-एक हेल्थ एटीएम है, लेकिन इसकी उपयोगिता कम है। इसके कारण मशीन को सीएचसी पर स्थापित करने का निर्णय सीएमओ डॉ. संतोष कुमार चक द्वारा ली गई है। गिर्दबडगांव की मशीन औराई, लालानगर की हेल्थ एमटीम को गोपीगंज सीएचसी शिफ्ट किया जाएगा। दोनों सीएचसी में मिलाकर रोजाना 500 से अधिक ओपीडी होती है।जांच कराने के लिए मरीजों को घंटों कतार में खड़ा रहना पड़ता है। जांच कराने के अगले दिन रिपोर्ट डॉक्टर को दिखानी पड़ती है। क्योंकि डॉक्टर दो बजे के बाद अपने चेंबर से उठ जाते हैं। मशीन से कुल 34 प्रकार की जांचें होती हैं। रिपोर्ट के लिए कर्मचारियों को ट्रेनिंग भी दी जाएगी। हेल्थ एटीएम में खून की जांच सहित बीपी, पल्स रेट, वजन, लंबाई आदि की स्क्रीनिंग की जाएगी, जबकि डेंगू, मलेरिया के लिए ब्लड लिया जाएगा। शुगर जांच की तरह रैपिड किट से ब्लड लेकर चिप को मशीन में लगाया जाएगा। उसके बाद पांच से 10 मिनट में जांच रिपोर्ट मरीज के हाथ में होगी। सीएमओ डॉ. एसके चक ने बताया कि लालानगर, गिर्दबडगांव की हेल्थ एटीएम औराई, गोपीगंज सीएचसी पर लगाने के लिए निर्देशित किया गया है। जल्दी ही मशीन वहां शिफ्ट कर दी जाएगी।
दो दर्जन कोचिंग सेंटरों को जारी की गई चेतावनी

नितेश श्रीवास्तव

भदोही। बिन पंजीयन कोचिंग संचालन करने वालों के प्रति शिक्षा विभाग की सख्ती बढ़ती जा रही है। कोचिंग सेंटरों की जांच के लिए ब्लॉकवार छह टीम का गठन जिला विद्यालय निरीक्षक अशुंमान द्वारा किया गया है। नामित अधिकारी ब्लॉक क्षेत्रों में चल रहे कोचिंग की जांच कर रिपोर्ट प्रेषित करेंगे। रिपोर्ट आने के एक सप्ताह में कोचिंग सेंटरों का पंजीन विभाग में नहीं हुआ तो विभागीय स्तर से सख्त कार्रवाई होना तय है। जबकि पूर्व में भी जांच रिपोर्ट पे्रषित की गई थी। ऐसे में करीब डेढ़ दर्जन कोचिंग संचालकों को सुधार एक्ट की नोटिस जारी कर दी गई है।डीआईओएस ने बताया कि कोचिंग संचालकों को यह भी निर्देशित किया गया है कि संचालन का जो मानक है वह भी शत-प्रतिशत पूर्ण होना चाहिए। जिले में करीब एक दर्जन कोचिंग सेंटर पंजीकृत होकर संचालित हो रही हैं। पूर्व में डेढ़ दर्जन कोचिंग सेंटर संचालकों को पंजीयन के लिए नोटिस जारी हुआ था। लेकिन इन संचालकों द्वारा पंजीयन को आवेदन नहीं किया गया है। ऐसे में मामले को गंभीरता से लेते हुए बंद कराने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। जुर्माना लगाने के साथ ही कोचिंग सेंटर सीज भी हो सकता है। बिना पंजीयन कराए कोचिंग का संचालन कदापि नहीं होने दिया जाएगा। बिन पंजीयन कोचिंग की शिकायत मिलने पर स्थलीय जांच कर उचित कार्रवाई की जा रही है। दो पालिका परिषद, पांच नगर पंचायत समेत औराई, ज्ञानपुर, भदोही, सुरियावां, सर्रोई, उगापुर, असनाव, अभोली, कोइरौना, गोपीगंज, जंगीगंज, ऊंज समेत जिले भर में विभिन्न स्थलों पर कोचिंग का संचालित किए जा रहे हैं।