राँची में आपसी भाईचारे की जीत: उपायुक्त मंजूनाथ भजन्त्री ने शांतिपूर्ण त्योहारों के लिए जनता को कहा— 'शुक्रिया'।

राँची: झारखंड की राजधानी राँची ने एक बार फिर सामाजिक समरसता और आपसी भाईचारे की अनूठी मिसाल पेश की है। हाल के दिनों में संपन्न हुए रामनवमी, चैती छठ, ईद, सरहुल और रमजान जैसे प्रमुख पर्व-त्योहारों के अभूतपूर्व शांतिपूर्ण समापन पर राँची जिला प्रशासन ने समस्त जिलेवासियों के प्रति आभार प्रकट किया है।

उपायुक्त ने बताया 'प्रेरणास्पद उदाहरण'

राँची के उपायुक्त-सह-जिला दण्डाधिकारी श्री मंजूनाथ भजन्त्री ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर कहा कि राँची में जिस गरिमा और अनुशासन के साथ त्योहार मनाए गए, वह पूरे राज्य के लिए एक प्रेरणा है। उन्होंने कहा, "यह केवल पर्वों का आयोजन नहीं था, बल्कि हमारी साझा संस्कृति और सामाजिक एकजुटता का उत्सव था, जिसने राँची को एक आदर्श के रूप में स्थापित किया है।"

समितियों और अखाड़ों के अनुशासन की सराहना

DC ने विशेष रूप से केन्द्रीय शांति समिति, महावीर मण्डल, तपोवन मंदिर पूजा समिति, सरना समितियों, सेंट्रल मोहर्रम कमिटी, अंजुमन इस्लामिया और गुरुनानक समिति सहित सभी अखाड़ा समितियों के सदस्यों के समर्पण की प्रशंसा की। प्रशासन के अनुसार, इन संगठनों की संवेदनशीलता और परिपक्वता के कारण ही शहर में कहीं भी अप्रिय स्थिति उत्पन्न नहीं हुई।

प्रशासनिक सतर्कता और मीडिया का सहयोग

इस सफलता का श्रेय जिले के पुलिस बल, प्रशासनिक पदाधिकारियों, नगर निगम, बिजली विभाग और लाइन डिपार्टमेंट के कर्मियों को भी दिया गया है। उपायुक्त ने मीडिया प्रतिनिधियों की सक्रिय भागीदारी और सकारात्मक रिपोर्टिंग को भी विधि-व्यवस्था सुदृढ़ बनाए रखने का एक मुख्य आधार बताया।

असम के चुनावी दंगल में उतरे हेमंत सोरेन; गोसाईंगांव में जेएमएम प्रत्याशी के लिए मांगा समर्थन, भाजपा पर साधा निशाना।

झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने असम विधानसभा चुनाव के प्रचार अभियान का शंखनाद कर दिया है। कोकराझार जिले के गोसाईंगांव में जेएमएम प्रत्याशी फ्रेडरिक्सन हांसदा के पक्ष में आयोजित एक विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए उन्होंने भाजपा सरकार पर जमकर प्रहार किया और आदिवासी व वंचित समाज को एकजुट होने का आह्वान किया।

भाजपा पर तीखा हमला

अपने संबोधन में हेमंत सोरेन ने बेहद कड़े शब्दों का इस्तेमाल करते हुए कहा कि भाजपा वाले केवल 'लेने वाले' लोग हैं, 'देने वाले' नहीं। उन्होंने जनता को आगाह करते हुए कहा, "ये लोग चुनाव के समय आपके खातों में 500 या 1000 रुपये डालेंगे और चुनाव जीतने के बाद सिरिंज लगाकर आपका खून निकाल लेंगे।" उन्होंने आरोप लगाया कि विपक्षी दल चुनाव के समय मीठी बातें कर जाल बिछाते हैं और सत्ता मिलते ही अपने वादे भूल जाते हैं।

चाय बागान मजदूरों का दर्द

सोरेन ने असम के चाय बागान मजदूरों की स्थिति पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि देश की अर्थव्यवस्था में बड़ा योगदान देने वाले इन मजदूरों को वर्षों से सिर्फ आश्वासन मिला है, हक नहीं। उन्होंने भरोसा दिलाया कि जेएमएम उनके संघर्ष में उनके साथ खड़ी है।

शिक्षा और सशक्तिकरण का 'झारखंड मॉडल'

शिक्षा को सबसे बड़ी ताकत बताते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि झारखंड में सरकारी स्कूलों की स्थिति में क्रांतिकारी बदलाव आए हैं, जहाँ अब निजी स्कूलों से बच्चे वापस आ रहे हैं। उन्होंने कहा कि वह असम में भी ऐसी ही व्यवस्था चाहते हैं जहाँ आदिवासी युवाओं की उच्च शिक्षा का पूरा खर्च सरकार उठाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि आने वाली पीढ़ी को डॉक्टर, इंजीनियर और वकील बनाना ही वास्तविक सशक्तिकरण है।

संवैधानिक संस्थाओं के दुरुपयोग का आरोप

हेमंत सोरेन ने केंद्र पर संवैधानिक संस्थाओं के दुरुपयोग का आरोप लगाते हुए कहा कि पैसे के बल पर लोकतंत्र को प्रभावित करने की कोशिश की जा रही है। उन्होंने जनता से अपील की कि वे अपने अधिकारों के लिए झुकें नहीं, बल्कि डटकर मुकाबला करें।

निर्भया से भी ज्यादा जघन्य अपराध झारखंड की बेटी के साथ....आदित्य साहू

भाजपा प्रदेश अध्यक्ष एवम सांसद आदित्य साहू ने आज प्रदेश कार्यालय में प्रेसवार्ता कर राज्य सरकार पर बड़ा निशाना साधा। श्री साहू कल हजारीबाग जिला अंतर्गत विष्णुगढ़ प्रखंड के कुसुंबा गांव से लौटने के बाद आज प्रदेश कार्यालय में प्रेसवार्ता को संबोधित कर रहे थे। श्री साहू के साथ कुसुंबा जाने वालों में सांसद मनीष जायसवाल, पूर्व नेता प्रतिपक्ष अमर कुमार बाउरी ,विधायक नागेंद्र महतो,अमित यादव,रोशन लाल चौधरी,जिला अध्यक्ष विवेकानंद सिंह शामिल थे।

श्री साहू ने कहा कि घटना की जानकारी मिलते ही वे पार्टी के जनप्रतिनिधियों के साथ कुसुंबा गांव गए और जो जानकारी मिली वह पूरी तरह रोंगटे खड़ा करने वाली,हृदय बिदारक है।

कहा कि जब पूरे देश में रामनवमी की तैयारियां चल रही हो, चैत्र नवरात्र में देवी की आराधना चल रही हो इसी बीच मंगलवारी जुलूस देखने गई एक गरीब मजदूर की 12 वर्षीय बेटी को अपराधी ,दरिंदे पकड़ते हैं,अपहरण कर उसका दुष्कर्म करते हैं और फिर हत्या भी कर देते हैं।

कहा कि ग्रामीण जनता ने बताया कि एक बेटी के साथ कैसा जघन्य कु कृत्य हुआ है। अपराधियों ने दुष्कर्म और हत्या के बात दरिंदगी की पराकाष्ठा की है। बेटी की आँखें निकाली गई, दांत तोड़े गए, जीभ काट दिए गए।

कहा कि ऐसे हालात में पुलिस प्रशासन की संवेदनहीनता ने राज्य की विधि व्यवस्था को उजागर किया है। चार दिनों तक गरीब के घर जिला प्रशासन नहीं पहुंचा। और हद तो तब हो गई जब मृत बेटी के मजदूर पिता को जल्द गांव आने में प्रशासन ने कोई मदद नहीं की।भाजपा के सांसद विधायकों ने फ्लाइट टिकट की व्यवस्था की।

कहा कि बात बात पर ट्वीट करने वाले मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को झारखंड की बेटी, गरीब की पीड़ा ने आहत नहीं किया।मुख्यमंत्री ने ट्वीट पर भी संवेदना प्रकट नहीं की।

कहा कि आखिर राज्य कहां जा रहा है।राज्य की जनता कैसे सुरक्षित रहे।कैसे बहन बेटियां सुरक्षित रहें ये मुख्यमंत्री जी बताएं। वे असम में जाकर वोट मांगेंगे।उन्हें असम की जनता के बीच अपनी नाकामियों,विफलताओं को बताना चाहिए।

कहा कि राज्य की पुलिस केवल वसूली में लगी है,कोयला ,पत्थर चोरों को संरक्षण देकर अपराधियों का संरक्षण कर रही है। अपनी तिजोरी भरने में जुटी है।

कहा कि भाजपा झारखंड की जन्मदात्री है।हम राज्य को बर्बाद होते नहीं देख सकते।

उन्होंने राज्य सरकार को चेतावनी दी और कहा कि 24 घंटे में अपराधी नहीं पकड़े गए तो 29 मार्च को हजारीबाग के सभी प्रखंडों में भाजपा कार्यकर्ता मशाल जुलूस निकालकर विरोध दर्ज करेंगे।30 को पूरा हजारीबाग को ठप करेंगे,बंद करेंगे। साथ ही पूरे प्रदेश में जिला मुख्यालयों पर पार्टी की महिला मोर्चा की बहने धरना प्रदर्शन करेंगी।

श्री साहू ने राज्य सरकार से मृतका के अपराधियों को फांसी की सजा दिलाने हेतु कार्रवाई की मांग की।साथ ही मजदूर पिता को सरकारी नौकरी ,परिवार को सुरक्षा और 50 लाख की सहायता राशि उपलब्ध कराने की मांग की।

श्री साहू ने कहा कि सत्ताधारी झामुमो कांग्रेस,राजद को अनर्गल बयानबाजी नहीं करनी चाहिए। अच्छा होगा ये नेता कुसुंबा जाकर स्थिति को देखें।

झारखंड में भाजपा मनाएगी 47वां स्थापना दिवस; योगेंद्र प्रताप सिंह को मिली प्रदेश संयोजक की कमान।

रांची: भारतीय जनता पार्टी की झारखंड इकाई आगामी 6 अप्रैल को पार्टी का 47वां स्थापना दिवस पूरे प्रदेश में हर्षोल्लास के साथ मनाने जा रही है। प्रदेश अध्यक्ष श्री आदित्य साहू के निर्देशानुसार, इस विशाल आयोजन को सफल बनाने के लिए एक उच्च स्तरीय प्रदेश टोली का गठन किया गया है।

किसे मिली क्या जिम्मेदारी?

पार्टी के प्रदेश सह मीडिया प्रभारी श्री योगेंद्र प्रताप सिंह को स्थापना दिवस कार्यक्रम का प्रदेश संयोजक नियुक्त किया गया है। उनके साथ श्रीमती आरती कुजूर, श्री मुनेश्वर साहू, श्री अमरदीप यादव और श्री अर्जुन सिंह को सह संयोजक की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी गई है। जिला स्तर पर भी 1 संयोजक और 2 सह संयोजकों की नियुक्ति के निर्देश दिए गए हैं।

तीन दिनों तक उत्सव का माहौल

कार्यक्रम के प्रदेश संयोजक योगेंद्र प्रताप ने बताया कि 5, 6 और 7 अप्रैल को प्रदेश के सभी मंडल, जिला और प्रदेश कार्यालयों को भव्य रूप से सजाया जाएगा। 6 अप्रैल को सभी कार्यालयों और कार्यकर्ताओं के घरों पर पार्टी का ध्वज फहराया जाएगा। इस दौरान 'सेवा भाव' और 'राष्ट्र प्रथम' के संकल्प के साथ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की उपलब्धियों को जन-जन तक पहुँचाया जाएगा।

अभियानों की झड़ी

स्थापना दिवस के उपलक्ष्य में 7 से 12 अप्रैल तक 'गांव-बस्ती चलो अभियान' चलाया जाएगा। इसके तहत भाजपा कार्यकर्ता और जनप्रतिनिधि गांवों में जाकर वरिष्ठ कार्यकर्ताओं का सम्मान करेंगे, स्वच्छता अभियान चलाएंगे और केंद्र सरकार की जनहितकारी योजनाओं पर चर्चा करेंगे। 8 और 9 अप्रैल को जिला स्तर पर सक्रिय सदस्यों का सम्मेलन भी आयोजित किया जाएगा, जिसमें पार्टी के संगठनात्मक विस्तार पर मंथन होगा।

झारखंड के 82 मॉडल स्कूलों में प्रवेश परीक्षा सफलतापूर्वक संपन्न; 19 जिलों के 60 केंद्रों पर दिखा छात्र-छात्राओं का भारी उत्साह

रांची: झारखंड शिक्षा परियोजना परिषद (JEPC) द्वारा संचालित राज्य के 82 प्रतिष्ठित मॉडल विद्यालयों में सत्र 2026-27 के लिए कक्षा 6 में नामांकन हेतु आयोजित प्रवेश परीक्षा शनिवार, 28 मार्च को शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हो गई। झारखंड एकेडमिक काउंसिल (JAC) द्वारा आयोजित इस परीक्षा के लिए राज्य भर के 19 जिलों में कुल 60 परीक्षा केंद्र बनाए गए थे, जहाँ सुव्यवस्थित और कदाचार मुक्त वातावरण में परीक्षा ली गई।

100 अंकों की बहुविकल्पीय परीक्षा, मेरिट से होगा चयन

पूर्वाह्न 11:00 बजे से अपराह्न 1:00 बजे तक आयोजित इस परीक्षा को लेकर विद्यार्थियों में जबरदस्त उत्साह देखा गया। परीक्षा केंद्र पर छात्र समय से काफी पहले ही पहुंच गए थे। यह परीक्षा पूर्णतः बहुविकल्पीय (MCQ) प्रश्नों पर आधारित थी, जिसमें कुल 100 अंक निर्धारित थे। प्रश्न पत्र में अंग्रेजी (30 अंक), गणित (30 अंक) और सामाजिक विज्ञान (40 अंक) से सवाल पूछे गए थे। परीक्षा के बाद अब प्राप्त अंकों के आधार पर एक राज्य स्तरीय मेरिट सूची तैयार की जाएगी, जिसके आधार पर ही इन मॉडल स्कूलों में बच्चों का अंतिम चयन होगा।

गुणवत्तापूर्ण और आधुनिक शिक्षा पर जोर

झारखंड शिक्षा परियोजना परिषद द्वारा संचालित ये मॉडल विद्यालय ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों के प्रतिभाशाली विद्यार्थियों के लिए किसी वरदान से कम नहीं हैं। यहाँ जैक (JAC) बोर्ड के माध्यम से कक्षा 6 से 12वीं तक पूरी तरह अंग्रेजी माध्यम में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान की जाती है। इन स्कूलों का मुख्य उद्देश्य गरीब और प्रतिभावान बच्चों को आधुनिक शिक्षा और बेहतरीन बुनियादी ढांचा उपलब्ध कराना है, ताकि वे भविष्य की प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए खुद को तैयार कर सकें।

प्रशासन की रही पैनी नजर

परीक्षा के सफल संचालन के लिए जिला प्रशासन और शिक्षा विभाग पूरी तरह मुस्तैद रहा। सभी जिला शिक्षा पदाधिकारियों और केंद्राधीक्षकों को स्पष्ट निर्देश थे कि परीक्षा की शुचिता बनी रहे। परिषद ने इस सफल आयोजन के बाद राज्य के अभिभावकों से अपील की है कि वे अपने बच्चों के उज्ज्वल भविष्य के लिए इन सरकारी मॉडल विद्यालयों का लाभ उठाएं और अधिक से अधिक नामांकन कराएं।

रांची–लोहरदगा रेल सेवा फिर से शुरू, यात्रियों के चेहरे पर आई खुशी

रांची-लोहरदगा रेलखंड पर कोयल नदी के ऊपर बनी पुल के पिलर संख्या 4, 5 और 6 में गंभीर दरारें पड़ गई थी। जिसके बाद रेलवे ने रेल के परिचालन को रोक दिया था। जिसे दुरुस्त कर इस रेलखंड में ट्रेनों के आवाजाही को पुनः बहाल कर दिया है।

गौरतलब है कि पुल में आइ दरार की जानकारी रेलवे को मिलने के बाद 4 जनवरी 2026 से इस रेलखंड में ट्रेनों का परिचालन बंद कर दिया गया। लेकिन यात्रियों की सुविधा के लिए नगजुआ और इरगांव स्टेशनों के बीच लोहरदगा और टोरी के लिए बस सेवा की व्यवस्था की गई थी।

कोयल नदी पर बने रेलवे पुल के 4 और 5 पिलरों की जैकेटिंग और पिलिंग के साथ-साथ पुराने गर्डर को 24 मीटर के स्टील गर्डर से बदलकर पुल को मजबूत किया गया। लंबे समय से बाधित चल रही रांची–लोहरदगा- टोरी रेल सेवा का संचालन आज से पुनः शुरू कर दिया गया है। लोहरदगा क्षेत्रवासियों के लिए बड़ी खुशखबरी है।

तकनीकी खराबी के कारण इस रूट पर ट्रेनों की आवाजाही बाधित हो गई थी, जिससे यात्रियों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा था। रेल सेवा बहाल होने से रांची, लोहरदगा और टोरी के बीच यात्रा करने वाले हजारों यात्रियों को बड़ी राहत मिली है। खासकर रोजाना आवागमन करने वाले मजदूर, छात्र और नौकरीपेशा लोगों के लिए यह सुविधा बेहद लाभकारी साबित होगी।

तपोवन मंदिर पहुँचे मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन और कल्पना सोरेन: श्री राम जानकी के चरणों में टेका मत्था, राज्य की खुशहाली की मांगी दुआ

रांची | 27 मार्च 2026: रामनवमी के पावन अवसर पर राजधानी रांची के ऐतिहासिक श्री राम जानकी तपोवन मंदिर, निवारणपुर में आस्था का जनसैलाब उमड़ पड़ा। इस भक्तिमय समागम में मुख्यमंत्री श्री हेमंत सोरेन अपनी धर्मपत्नी और गांडेय विधायक श्रीमती कल्पना सोरेन के साथ शामिल हुए। मुख्यमंत्री दंपत्ति ने मंदिर में पूरे विधि-विधान से पूजा-अर्चना की और मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्री राम के चरणों में शीश नवाकर राज्य की उन्नति, सुख-शांति और समृद्धि की कामना की।

"प्रभु श्री राम के आदर्शों को जीवन में उतारें"

श्रद्धालुओं को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री ने समस्त राज्यवासियों को रामनवमी की हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा:

"आज आस्था के इस भव्य समागम में शामिल होना मेरे लिए सौभाग्य की बात है। भगवान श्री राम के आदर्श हमें धर्म और सत्य की राह पर चलने की प्रेरणा देते हैं। हमें उनके मूल्यों को अपने जीवन में आत्मसात करना चाहिए। मेरी मंगलकामना है कि प्रभु श्री राम आप सभी की मनोकामनाएं पूरी करें।"

सामाजिक समरसता और सद्भाव की अपील

मुख्यमंत्री ने रांची की गौरवशाली परंपरा का जिक्र करते हुए कहा कि विभिन्न अखाड़ों की शोभायात्राओं का तपोवन मंदिर में मिलन एक ऐतिहासिक दृश्य होता है। उन्होंने जनता से अपील की कि इस महापर्व को पूरी श्रद्धा, उमंग और आपसी भाईचारे के साथ मनाएं। सामाजिक सद्भाव और समरसता के साथ इस आयोजन को यादगार बनाने का आह्वान किया।

तपोवन मंदिर के सौंदर्यीकरण पर जोर

मंदिर की ऐतिहासिक महत्ता पर चर्चा करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि तपोवन मंदिर की अपनी एक अलग पहचान है। राज्य सरकार इस पहचान को और सुदृढ़ करने के लिए मंदिर के सौंदर्यीकरण और भव्यता की दिशा में तेजी से कार्य कर रही है। उन्होंने उम्मीद जताई कि जल्द ही मंदिर को एक नया और भव्य स्वरूप प्रदान करने का कार्य पूर्ण हो जाएगा।

भक्तिमय रहा माहौल

पूजा के दौरान तपोवन मंदिर परिसर 'जय श्री राम' के उद्घोष से गुंजायमान रहा। मुख्यमंत्री ने वहां उपस्थित महंत और मंदिर समिति के सदस्यों से भी मुलाकात की। सुरक्षा के कड़े इंतजामों के बीच मुख्यमंत्री ने आम श्रद्धालुओं का अभिवादन भी स्वीकार किया।

मुख्यमंत्री आवास में गूँजी 'जय श्री राम' की गूँज: हेमंत सोरेन और कल्पना सोरेन ने की रामनवमी पूजा-अर्चना

राँची | 27 मार्च 2026: मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान श्री राम के जन्मोत्सव, रामनवमी के पावन अवसर पर आज पूरा झारखंड भक्तिमय माहौल में डूबा हुआ है। इसी कड़ी में प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री हेमंत सोरेन ने भी अपनी धर्मपत्नी और गांडेय विधायक श्रीमती कल्पना सोरेन के साथ मिलकर मुख्यमंत्री आवास स्थित मंदिर में पूरी आस्था और विधि-विधान से पूजा-अर्चना की।

विधि-विधान से हुआ पूजन

मुख्यमंत्री और विधायक कल्पना सोरेन ने रामनवमी के शुभ मुहूर्त पर मंदिर में भगवान श्री राम, माता सीता, लक्ष्मण जी और भक्त हनुमान की प्रतिमाओं के समक्ष दीप प्रज्ज्वलित किया। उन्होंने पारंपरिक वैदिक मंत्रोच्चार के बीच पूजा की और भगवान को भोग लगाकर आरती की। इस दौरान पूरा मुख्यमंत्री आवास 'जय श्री राम' और भक्ति गीतों से गुंजायमान रहा।

राज्य की सुख-समृद्धि की कामना

पूजा-अर्चना के उपरांत मुख्यमंत्री श्री हेमंत सोरेन ने भगवान राम से झारखंड के सवा तीन करोड़ जनता के लिए आशीर्वाद मांगा। उन्होंने विशेष रूप से राज्य के सर्वांगीण विकास, सुख-समृद्धि, शांति और खुशहाली की कामना की। उन्होंने प्रार्थना की कि भगवान राम का आशीर्वाद सभी राज्यवासियों पर बना रहे और प्रदेश उन्नति की नई ऊंचाइयों को छुए।

पारिवारिक और आध्यात्मिक माहौल

यह आयोजन अत्यंत निजी और आध्यात्मिक रहा, जिसमें मुख्यमंत्री परिवार के अन्य सदस्य और सीमित कर्मचारी भी शामिल हुए। पूजा के बाद सभी उपस्थित लोगों के बीच प्रसाद का वितरण किया गया।

इससे पहले, मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया के माध्यम से भी सभी राज्यवासियों को रामनवमी की हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं दीं। उन्होंने अपील की है कि यह महापर्व आपसी भाईचारे और सौहार्द के साथ मनाया जाए।

मुख्यमंत्री आवास में गूँजी 'जय श्री राम' की गूँज: हेमंत सोरेन और कल्पना सोरेन ने की रामनवमी पूजा-अर्चना
मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने दिवंगत पूर्व अधिकारी जे.एन. सिंह को दी भावपूर्ण श्रद्धांजलि

रांची | 26 मार्च 2026: मुख्यमंत्री श्री हेमंत सोरेन ने गुरुवार को राज्य सरकार के पूर्व अधिकारी स्वर्गीय जे.एन. सिंह के निधन पर गहरा शोक व्यक्त किया। मुख्यमंत्री रांची के पिस्का मोड़ स्थित शारदा बैटरी गली पहुँचे, जहाँ उन्होंने दिवंगत आत्मा को अपनी भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की।

शोक संतप्त परिवार से की मुलाकात

मुख्यमंत्री श्री हेमंत सोरेन, श्री विनोद कुमार सिंह के आवासीय परिसर पहुँचे और स्वर्गीय जे.एन. सिंह के पार्थिव शरीर पर पुष्पचक्र अर्पित कर उन्हें नमन किया। इस दुख की घड़ी में मुख्यमंत्री ने परिजनों के साथ काफी समय बिताया और श्री विनोद कुमार सिंह एवं उनके परिवार के सदस्यों को ढांढस बंधाया।

मुख्यमंत्री का शोक संदेश

जे.एन. सिंह के निधन पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा:

"स्वर्गीय जे.एन. सिंह जी ने एक निष्ठावान अधिकारी के रूप में राज्य की सेवा की है। उनका निधन समाज और उनके परिवार के लिए एक अपूरणीय क्षति है। मैं ईश्वर से प्रार्थना करता हूँ कि वे दिवंगत आत्मा को शांति प्रदान करें और शोक संतप्त परिजनों को यह भारी दुख सहने की शक्ति दें।"

प्रमुख उपस्थिति

श्रद्धांजलि सभा के दौरान मुख्यमंत्री के साथ कई अन्य गणमान्य व्यक्ति और प्रशासनिक अधिकारी भी उपस्थित रहे, जिन्होंने दिवंगत पूर्व अधिकारी के प्रति अपनी संवेदनाएं प्रकट कीं।