प्रयागराज में एनसीसी बी प्रमाणपत्र के कैडेट्स की प्रायोगिक परीक्षा नेहरू ग्राम भारती विश्वविद्यालय में 15 यूपी बटालियन के नेतृत्व में सम्पन्न
एनसीसी कैडेट्स के अनुशासन, साहस और कौशल का कठोर परीक्षण

विश्वनाथ प्रताप सिंह


प्रयागराज। एनसीसी ग्रुप मुख्यालय प्रयागराज के तत्वावधान में 15 यूपी बटालियन के कुशल नेतृत्व में प्रयागराज के नेहरू ग्राम भारती मानित विश्वविद्यालय, जमुनीपुर परिसर में कैडेट्स की बी प्रमाण पत्र की परीक्षा हेतु अनुशासन, दक्षता एवं सैन्य कौशल का व्यापक परीक्षण आयोजित किया गया। इस बी प्रमाणपत्र प्रायोगिक परीक्षा में 1 यूपी सीटीआर, 2 यूपी आर्टी बैटरी, 6 यूपी गर्ल्स बटालियन तथा 17 यूपी बटालियन के कैडेट्स ने उत्साह, समर्पण और सैन्य गरिमा के साथ सहभागिता की।
प्रायोगिक परीक्षा के अंतर्गत कैडेट्स का मूल्यांकन ड्रिल, शस्त्र संचालन, मैप रीडिंग , कम्युनिकेशन युद्ध तथा फील्ड क्षेत्र से संबंधित विभिन्न सामरिक विषयों पर किया गया। प्रत्येक कैडेट ने दृढ़ इच्छाशक्ति, अनुशासित व्यवहार और उत्कृष्ट प्रशिक्षण का परिचय देते हुए अपने कौशल की प्रभावशाली प्रस्तुति दी।
परीक्षा के दौरान 15 यूपी बटालियन के प्रशासनिक अधिकारी कर्नल राहुल दुबे एवं 60 यूपी बटालियन के प्रशासनिक अधिकारी कर्नल योगेंद्र चिनवान द्वारा परीक्षा केंद्र का सूक्ष्म निरीक्षण किया गया। उन्होंने व्यवस्थाओं की सराहना करते हुए कैडेट्स के प्रदर्शन को प्रेरणादायक बताया।
पूरी परीक्षा प्रक्रिया एनसीसी के सख्त मानकों एवं सैन्य अनुशासन के अनुरूप शांत, सुव्यवस्थित एवं गरिमामय वातावरण में सम्पन्न हुई। इस अवसर पर विश्वविद्यालय के एएनओ लेफ्टिनेंट डॉ. कृपा शंकर यादव, प्रशिक्षक मयंक यादव तथा 15 यूपी बटालियन के अधिकारीगण — सूबेदार राजेंद्र कुमार(प्रशिक्षण जे सी ओ) , नायब सूबेदार अनिल सिंह एवं अन्य कर्मचारी उपस्थित रहे।
उल्लेखनीय है कि कल इसी परीक्षा केंद्र पर उपरोक्त बटालियनों के कैडेट्स की लिखित परीक्षा आयोजित की जाएगी। सभी कैडेट्स को निर्देशित किया गया है कि वे प्रातः 08:00 बजे तक पूर्ण गणवेश में परीक्षा केंद्र पर अनिवार्य रूप से उपस्थित हों।
नेहरू ग्राम भारती मानित विश्वविद्यालय, हनुमानगंज परिसर में राष्ट्रीय सेवा योजना शिविर का आयोजन

साइबर सुरक्षा से विकसित भारत की ओर बढ़ना—समय की अनिवार्य मांग


विश्वनाथ प्रताप सिंह


प्रयागराज । नेहरू ग्राम भारती मानित विश्वविद्यालय, हनुमानगंज परिसर में संचालित राष्ट्रीय सेवा योजना के सात दिवसीय विशेष शिविर के अंतर्गत शुक्रवार को “साइबर सुरक्षा से विकसित भारत की ओर” विषय पर एक विधिक जागरूकता उन्मुख कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में स्वयंसेवकों एवं संकाय सदस्यों की उल्लेखनीय उपस्थिति रही, जिससे विषय की प्रासंगिकता एवं सामाजिक सरोकार स्पष्ट रूप से परिलक्षित हुआ।
कार्यक्रम में पुलिस कमिश्नरेट प्रयागराज के साइबर अपराध थाना से पधारे मुख्य वक्ता विनोद कुमार, लोकेश पटेल एवं शिवम दिवाकर ने डिजिटल युग में तीव्र गति से उभरते साइबर अपराधों पर गंभीर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि ऑनलाइन ठगी, हैकिंग, फिशिंग एवं डेटा चोरी जैसे अपराध न केवल व्यक्ति की आर्थिक सुरक्षा को प्रभावित कर रहे हैं, अपितु उसकी सामाजिक प्रतिष्ठा एवं निजता के अधिकार का भी हनन कर रहे हैं। उन्होंने विधिक परिप्रेक्ष्य में स्पष्ट किया कि सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम एवं प्रासंगिक दंडात्मक प्रावधानों के अंतर्गत ऐसे अपराधों के विरुद्ध कठोर दंड का प्रावधान है, तथापि सतर्कता एवं जागरूकता ही सर्वाधिक प्रभावी प्रतिरक्षा है।
विशेषज्ञों ने सुरक्षित एवं सुदृढ़ पासवर्ड के निर्माण, ओटीपी एवं गोपनीय सूचनाओं के संरक्षण, संदिग्ध लिंक एवं अनुप्रमाणित स्रोतों से दूरी बनाए रखने तथा सोशल मीडिया के उत्तरदायी एवं सुरक्षित उपयोग के उपायों पर विस्तारपूर्वक प्रकाश डाला। साथ ही उपस्थित स्वयंसेवकों की जिज्ञासाओं का समाधान करते हुए उन्हें विधिक अधिकारों एवं दायित्वों के प्रति सजग रहने हेतु प्रेरित किया।
कार्यक्रम की मुख्य अतिथि, परीक्षा नियंत्रक डॉ. शिखा खरे ने अपने संबोधन में कहा कि “साइबर खतरों से संरक्षण हेतु जागरूकता, सतर्कता एवं विधिक समझ अनिवार्य है। प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है कि वह डिजिटल माध्यमों का उपयोग करते समय आवश्यक सावधानियों का पालन करे, क्योंकि सावधानी ही सर्वोत्तम सुरक्षा कवच है।”
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए विधि संकाय के अधिष्ठाता डॉ. स्वप्निल त्रिपाठी ने अपने उद्बोधन में कहा कि वर्तमान परिदृश्य में पारंपरिक अपराधों की अपेक्षा साइबर अपराधों में अभूतपूर्व वृद्धि हुई है, जो विधि-व्यवस्था के समक्ष नई चुनौतियाँ प्रस्तुत कर रही है। अतः समाज के प्रत्येक वर्ग को विधिक साक्षरता के माध्यम से सशक्त करना समय की आवश्यकता है, जिससे एक सुरक्षित एवं उत्तरदायी डिजिटल समाज का निर्माण संभव हो सके।
इस अवसर पर सौरभ तिवारी, डॉ. मोनिका, डॉ. पुष्पांजलि, रितेश सिंह सहित अनेक प्राध्यापक एवं स्वयंसेवक उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन डॉ. श्रवण कुमार मिश्र द्वारा विधिवत किया गया, जबकि धन्यवाद ज्ञापन विभागाध्यक्ष (विधि) डॉ. सुनील कुमार मौर्य ने प्रस्तुत किया।
प्रयागराज के मांडा मे 4 बच्चों की डूबने से हुयी मृत्यु ने पूरे गांव को रुला दिया
विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज के यमुनापार मे मांडा थाना क्षेत्र अंतर्गत शुक्रवार की दोपहर ग्राम बामपुर निवासी गंगा स्नान करने गए 4 नाबालिग बच्चों की डूबने से गयी जान।
कुणाल पुत्र अनिल कुमार (उम्र लगभग 12 वर्ष),निहाल पुत्र अनिल कुमार (उम्र लगभग 10 वर्ष),ऋषभ पुत्र कमलेश (उम्र लगभग 10 वर्ष),दीपक कुमार पुत्र राजाराम (उम्र लगभग 17 वर्ष) की गंगा घाट पर हुए हृदयविदारक हादसे मे डूबने से असमय निधन अत्यंत दुखद एवं पीड़ादायक है।

चार बच्चों को देख पूरे गांव की आंखें नम हो गई।

अत्यंत ही दुखद घटना
बड़ोखर पीडब्ल्यूडी की सड़क निर्माण मे घटिया सामग्री से बनाने का आरोप।  
                                                                                                    विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज। यमुनापार के बड़ोखर मे मेन रोड से बाजार तक पीडब्ल्यूडी पक्की सड़क निर्माण कार्य कराया गया है स्थानीय लोगों ने बताया कि यह सड़क निर्माण बहुत ही घटिया सामग्री से कराया जा रहा है जो महीने से पहले ही ध्वस्त हो जायेगी युवा समाजसेवी और भावी जिला पंचायत सदस्य प्रमोद तिवारी का कहना है कि जो पीडब्ल्यूडी विभाग द्वारा पक्की सड़क का निर्माण कार्य कराया गया है बहुत ही घटिया सामग्री से कराया गया है सड़क मे भारी भ्रष्टाचार हुआ है मानक के आधार पर सड़क नही बनाई गई है जिसके कारण स्थानीय लोगों मे भारी आक्रोश व्याप्त है प्रमोद तिवारी ने बताया कि इस मामले में पीडब्ल्यूडी के उच्च अधिकारियों से जांच कर ऐसे भ्रष्ट ठेकेदार के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हैं।
नवरात्र के पावन अवसर पर कन्याओं को भेंट

ॐ प्राचीन चतुर्भुज आश्रम ट्रस्ट में हुआ भव्य आयोजन जिसमें भाकियू (भानू ) विधि प्रमोष्ठ जिलाध्यक्ष प्रयागराज


विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज।नवरात्र के नौमी के पावन अवसर पर शुक्रवार को ॐ प्राचीन चतुर्भुज आश्रम ट्रस्ट मऊगंज मध्य प्रदेश में एक भव्य आयोजन किया गया। इस अवसर पर 101 कन्याओं को प्रसाद ग्रहण कराया गया और उन्हें एक थाली, एक गिलास, एक चम्मच और 101 रुपये भेंट में दिए गए।

इस मौके पर आश्रम के अध्यक्ष बाबा प्रकाश चन्द्र गिरी ने कहा कि कन्याओं की सेवा करना भगवान की सेवा करना है। उन्होंने कहा कि नवरात्र के पावन अवसर पर कन्याओं को भेंट देना एक पवित्र कार्य है, जिससे हमें पुण्य की प्राप्ति होती है।

इस अवसर पर आश्रम के सचिव सर्वण कुमार द्विवेदी, शिष्य प्रयागराज से भारतीय किसान यूनियन (भानू) विधिप्रकोष्ठ जिलाध्यक्ष धर्मराज सिंह एडाकेट और अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। आयोजन की जानकारी देते हुए आश्रम के प्रवक्ता ने बताया कि इस अवसर पर कन्याओं को भेंट देने के साथ-साथ उन्हें भोजन भी कराया गया।

आश्रम के अध्यक्ष बाबा प्रकाश चन्द्र गिरी ने बताया कि ॐ प्राचीन चतुर्भुज आश्रम ट्रस्ट का उद्देश्य समाज में धर्म और संस्कृति की भावना को बढ़ावा देना है। उन्होंने कहा कि आश्रम द्वारा समय-समय पर इस प्रकार के आयोजन किए जाते रहते हैं, जिससे समाज में एकता और सद्भावना की भावना को बढ़ावा मिलता है।

इस अवसर पर उपस्थित लोगों ने आश्रम के अध्यक्ष बाबा प्रकाश चन्द्र गिरी और उनकी टीम को इस भव्य आयोजन के लिए बधाई दी।
बे मौसम बारिश ने किसानों की बढ़ाई चिंता
प्रयागराज में गेहूं की फसल तैयार, बारिश ने मचाई तबाही

विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज।बे मौसम बारिश ने किसानों की सांसे रोक दी हैं। प्रयागराज जिले में शुक्रवार की शाम को गरज चमक के साथ हुई बे मौसम बारिश से गेहूं की तैयार फसल जाने की स्थिति में आ गई है। किसानों की स्थिति बहुत दयनीय हो गई है, क्यों कि लंबी लागत को लगाकर कि गयी तैयार गेहूं की फसल आज जाने की स्थिति में आ गई है।

मौसम को देखते हुए किसानों के होश उड़ गए हैं। वे अपनी फसल को बचाने के लिए चिंतित हैं। किसानों का कहना है कि बे मौसम बारिश से उनकी गेहूं की फसल को बहुत नुकसान हुआ है। फसल की गुणवत्ता भी खराब हो गई है, जिससे उन्हें आर्थिक नुकसान उठाना पड़ सकता है।

भाकियू (भानू ) प्रयागराज जिलाध्यक्ष पंकज प्रताप सिंह ने बताया कि उनकी गेहूं की फसल तैयार थी, लेकिन बे मौसम बारिश ने उनकी सारी उम्मीदें ध्वस्त कर दीं। उन्होंने कहा कि सरकार को किसानों की मदद करनी चाहिए और उन्हें उचित मुआवजा देना चाहिए।

वहीं, भारतीय किसान यूनियन (भानू ) प्रदेश महामंत्री ठाकुर कृष्णराज सिंह ने बताया कि बे मौसम बारिश से किसानों का बहुत नुकसान हुआ है। उन्होंने सरकार से मांग की है कि किसानों को उचित मुआवजा दिया जाए और उनकी फसल का सर्वे कराया जाए।

प्रयागराज के कृषि अधिकारी ने बताया कि बे मौसम बारिश से गेहूं की फसल को नुकसान हुआ है, लेकिन अभी तक नुकसान का आकलन नहीं किया गया है। उन्होंने कहा कि जल्द ही नुकसान का आकलन किया जाएगा और सरकार को रिपोर्ट सौंपी जाएगी।

बे मौसम बारिश ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है आखिरकार किसान परेशानियों का सामना करता रहा है। मजबूर है किसान खेती करने पर, किसान को खेती में नुकसान के अलावा कोई फायदा दिखता नजर नहीं आ रहा है। यही स्थिति रही अगर सरकार कोई मदद नहीं करती है तो किसान मजबूरन खेती करना बंद कर परदेश को पलायन करने पर मजबूर होगा। अब देखना होगा कि सरकार किसानों की मदद के लिए क्या कदम उठाती है।किसान खेती करता है या परदेश को पलायन सरकार ही किसानों का उचित मार्गदर्शन करे किसान को अन्नदाता कहते हैं किसान सबको भोजन देता है खुद भूखा सोता है इसका कारण है खेती मे लम्बी लागत की महंगाई प्रकृति की मार सुखा बुडा ओला आगजली और सस्ते दामों पर अनाज को बेचना जैसे किसान की अनेको समस्याएं है इन पर सरकार को विशेष गहनकर सोचना चाहिए किसानों की मदद करना चाहिए।
बडोखर की धरती से उठा जननायक! बडोखर का हीरा’ परमोद तिवारी  ने ठोकी चुनावी हुंकार
—कोरांव की सियासत में मचा भूचाल, हर गली-हर चौपाल पर गूंजा नाम

बच्चों की जुबान से लेकर बुजुर्गों के विश्वास तक

—परमोद तिवारीके समर्थन में उमड़ा जनसैलाब, कोरांव से मानपुर तक का खुला ऐलान इस बार जीत तय



विश्वनाथ प्रताप सिंह

मानपुर ।प्रयागराज यमुनानगर क्षेत्र की कोरांव तहसील अंतर्गत ग्राम पंचायत बडोखरकी माटी से निकला एक नाम इन दिनों पूरे इलाके की सियासत में तूफान बन चुका है—परमोद तिवारी का हीरा” कहे जाने वाले इस चेहरे ने जब से जिला पंचायत चुनाव के रण में कदम रखा है, तभी से बडोखर की धरती पर चुनावी बिगुल बज उठा है। गांव-गांव में ढोल-नगाड़ों की थाप, चौपालों पर गूंजती चर्चाएं और गलियों में उठते जयकारे इस बात का संकेत दे रहे हैं कि इस बार मुकाबला नहीं, बल्कि जनआंदोलन खड़ा हो चुका है। परमोद तिवारीका नाम अब सिर्फ एक प्रत्याशी का नाम नहीं रहा, बल्कि यह जनभावनाओं का प्रतीक बन गया है। सुबह की चाय की दुकानों से लेकर शाम की चौपालों तक, हर जगह एक ही चर्चा—“इस बार बदलाव होगा, इस बार परमोद तिवारी का आएंगे।” छोटे-छोटे बच्चे भी उनके नाम के नारे लगाते नजर आ रहे हैं, तो वहीं बुजुर्ग अपने अनुभव के साथ उनके पक्ष में खुलकर समर्थन जताते दिखाई दे रहे हैं। चुनावी माहौल ऐसा बन चुका है मानो पूरा क्षेत्र एक उत्सव में बदल गया हो। कहीं ढोल बज रहे हैं, कहीं नगाड़ों की गूंज है, तो कहीं समर्थक जोश में नारे लगाते हुए माहौल को गर्म कर रहे हैं। हर दिन परमोद तिवारी के समर्थन में निकल रही भीड़ यह साफ संकेत दे रही है कि यह सिर्फ चुनाव नहीं, बल्कि जनता के विश्वास की परीक्षा बन चुकी है। सूत्रों के अनुसार, कोरांवसे लेकर मानपुरतहसील तक पत्रकार समाज भी पूरी मजबूती के साथ परमोद तिवारी के समर्थन में उतर आया है। उनकी वर्षों की निर्भीक बेबाक  जनहित के मुद्दों पर उठाई गई आवाज आज उनके लिए सबसे बड़ी ताकत बनती नजर आ रही है। यही कारण है कि उन्हें न सिर्फ आम जनता, बल्कि बुद्धिजीवी वर्ग का भी भरपूर समर्थन मिल रहा है। परमोद तिवारी  के चुनावी अभियान में अब वह ऊर्जा देखने को मिल रही है, जो किसी बड़े बदलाव की ओर इशारा करती है। समर्थकों का उत्साह, लगातार बढ़ती भीड़ और हर वर्ग से मिल रहा साथ इस बात का संकेत दे रहा है कि बारा की सियासत में इस बार कुछ बड़ा होने वाला है। हर गली में गूंजते नारे, हर चौपाल पर चलती चर्चाएं और हर चेहरे पर झलकता विश्वास—यह सब मिलकर एक ही कहानी कह रहे हैं कि यह चुनाव अब सिर्फ एक सीट की लड़ाई नहीं, बल्कि जनता की उम्मीदों और विश्वास की जंग बन चुका है। अब नजरें टिकी हैं आने वाले परिणामों पर, लेकिन फिलहाल की धरती पर जो माहौल है, वह साफ बता रहा हैबदलाव की आंधी चल चुकी है और इसका केंद्र बने हैं परमोद तिवारी।
डीजल-पेट्रोल की अफवाह ने मचाई थी खलबली, हालात सामान्य

विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज।के शंकरगढ़ थाना क्षेत्र में डीजल और पेट्रोल की स्थिति सामान्य है। शिवराजपुर यादव फिलिंग स्टेशन के मैनेजर ने बताया कि यहां डीजल-पेट्रोल की कोई समस्या नहीं है, लेकिन लोगों में एक अहम सा बैठ गया है। पहले लोग 1 लीटर तेल भरवाने के लिए कई बार सोचते थे, लेकिन अब टंकियां फुल कर रहे हैं।

एसीपी बारां वेद व्यास मिश्रा ने मौके पर पहुंचकर सारे फिलिंग स्टेशनों के मैनेजर को सख्त निर्देश दिया है कि डिब्बे में तेल नहीं दिया जाएगा।

परिषदीय विद्यालयों की बदली तस्वीर — संविलियन विद्यालय जसरा में वार्षिकोत्सव और नवारम्भ कार्यक्रम ने जीता दिल

बच्चों की प्रतिभा, अभिभावकों की भागीदारी और सांस्कृतिक रंगों से गूंजा विद्यालय परिसर, अधिकारियों ने की खुलकर सराहना

विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज।विकास खंड जसरा क्षेत्र के संविलियन विद्यालय जसरा में आयोजित वार्षिकोत्सव एवं नवारम्भ कार्यक्रम उत्साह, उमंग और सांस्कृतिक रंगों के बीच भव्य रूप से सम्पन्न हुआ। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में अभिभावकों, शिक्षकों, जनप्रतिनिधियों तथा गणमान्य लोगों की उपस्थिति ने यह साबित कर दिया कि अब परिषदीय विद्यालय भी किसी कॉन्वेंट स्कूल से कम नहीं रह गए हैं। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि खण्ड विकास अधिकारी जसरा अनिल कुमार ने अपने संबोधन में कहा कि इस प्रकार के आयोजन समाज में परिषदीय विद्यालयों के प्रति सकारात्मक सोच विकसित करते हैं। उन्होंने कहा कि जब विद्यालयों में सांस्कृतिक कार्यक्रम, अभिभावकों की सहभागिता और बच्चों की रचनात्मक प्रस्तुति होती है, तो बच्चों में आत्मविश्वास बढ़ता है और अभिभावकों का विश्वास भी मजबूत होता है। उन्होंने स्पष्ट कहा कि अब सरकारी विद्यालयों की छवि तेजी से बदल रही है और इसका श्रेय शिक्षकों की मेहनत को जाता है।

कार्यक्रम के दौरान बच्चों ने एक से बढ़कर एक सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ देकर उपस्थित लोगों को मंत्रमुग्ध कर दिया। कक्षा 2 के नन्हे बच्चों ने “पेड़ लगाओ – जीवन बचाओ” गीत के माध्यम से पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया, जिसे सुनकर पूरा परिसर तालियों से गूंज उठा। वहीं कक्षा 6 के बच्चों ने “राधा संग होली खेले घनश्याम – रंग बरसे” जैसे होली गीत पर मनमोहक प्रस्तुति देकर आपसी भाईचारे और प्रेम का संदेश दिया। विद्यालय की प्रधानाध्यापिका मनीषा यादव ने सभी अतिथियों का स्मृति चिन्ह एवं पुष्पगुच्छ देकर स्वागत करते हुए कहा कि विद्यालय परिवार का प्रयास है कि बच्चों को पढ़ाई के साथ- साथ संस्कार और मंच देने का अवसर भी मिले। इस अवसर पर एडीओ समाज कल्याण गुलजार सिंह, शिक्षामित्र संघ जिलाध्यक्ष वसीम अहमद, माध्यमिक शिक्षक संघ जिलाध्यक्ष विश्वनाथ सिंह, भाजपा मंडल अध्यक्ष जगत शुक्ला, समाजवादी व्यापार सभा जिलाध्यक्ष सुरेन्द्र केसरवानी, भूमि विकास बैंक अध्यक्ष लाल विष्णु पटेल, समाजसेवी राम बाबू यादव सहित कई गणमान्य लोगों ने बच्चों की प्रतिभा की सराहना करते हुए मेधावी छात्रों और प्रतिभागियों को पुरस्कार देकर उनका उत्साहवर्धन किया।

कार्यक्रम की अध्यक्षता ग्राम प्रधान आशीष सोनकर ने की, जबकि मंच संचालन दिलीप तिवारी ने प्रभावशाली ढंग से किया। इस मौके पर दशरथ भारती, पूनम सिंह, पूर्णिमा यादव, सुमन पाण्डेय, उमा राय, ममता मिश्रा, नीलम, गीता, मीना, धर्मेंद्र कुशवाहा सहित बड़ी संख्या में शिक्षक, अभिभावक एवं ग्रामीण उपस्थित रहे। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित लोगों ने एक स्वर में कहा कि यदि इसी प्रकार विद्यालयों में शैक्षिक और सांस्कृतिक गतिविधियाँ होती रहीं तो परिषदीय विद्यालयों की पहचान नई ऊंचाइयों तक

सरसेंडी विद्यालय में गूंजा शिक्षा का उत्सव, नवारंभ बाल वाटिका प्रवेश कार्यक्रम में नन्हे कदमों का भव्य स्वागत

तिलक, फूलमाला और गीतों के बीच शुरू हुई नई शिक्षा यात्रा, उत्साह से खिले बच्चों के चेहरे — अभिभावकों में भी दिखा भरोसा

विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज।यमुनानगर क्षेत्र के जसरा ब्लॉक अंतर्गत उच्च प्राथमिक विद्यालय सरसेंडी में आयोजित ‘नवारंभ बाल वाटिका प्रवेश उत्सव’ पूरे हर्षोल्लास, उत्साह और रंगारंग माहौल के बीच सम्पन्न हुआ। विद्यालय परिसर को गुब्बारों, रंगीन पोस्टरों, आकर्षक शैक्षिक चार्टों और सजावटी सामग्री से इस तरह सजाया गया था कि विद्यालय किसी उत्सव स्थल से कम नहीं लग रहा था। नवप्रवेशित नन्हे-मुन्ने बच्चों के विद्यालय पहुंचते ही शिक्षकों ने उनका तिलक लगाकर, फूलमाला पहनाकर और स्वागत गीत गाकर अभिनंदन किया, जिससे बच्चों के चेहरे खुशी से खिल उठे और अभिभावकों में भी विश्वास का वातावरण दिखाई दिया। कार्यक्रम की शुरुआत विधिवत सरस्वती पूजन के साथ की गई, जिसके बाद शिक्षकों ने बच्चों से परिचय किया और उन्हें विद्यालय से जुड़ने के लिए प्रेरित किया। इस दौरान विद्यालय परिवार ने यह संदेश दिया कि बाल वाटिका केवल प्रवेश की औपचारिकता नहीं बल्कि बच्चों के सुनहरे भविष्य की मजबूत नींव है। वरिष्ठ शिक्षक सरोज सिंह यादव ने अभिभावकों को संबोधित करते हुए कहा कि नई शिक्षा नीति के तहत बाल वाटिका की शुरुआत बच्चों के बौद्धिक, मानसिक और सामाजिक विकास के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने अभिभावकों से अपील की कि वे बच्चों को नियमित रूप से विद्यालय भेजें ताकि प्रारंभिक शिक्षा मजबूत हो और आगे की पढ़ाई आसान बन सके। कार्यक्रम में उपस्थित नोडल प्रीति श्रीवास्तव, एजुकेटर शशि यादव सहित अन्य शिक्षकों ने बच्चों को आशीर्वाद देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। इस अवसर पर अभिभावकों की भी अच्छी भागीदारी रही, जिससे यह स्पष्ट हुआ कि क्षेत्र में सरकारी विद्यालयों के प्रति विश्वास लगातार बढ़ रहा है। उत्सव के अंत में बच्चों को शैक्षिक सामग्री वितरित की गई और सभी ने मिलकर यह संकल्प लिया कि हर बच्चे को शिक्षा से जोड़ना ही इस कार्यक्रम का सबसे बड़ा उद्देश्य है।