50 वां इंडिया कारपेट एक्सपो स्थगित, 400 करोड़ के कारोबार को झटका
*ईरान - इजरायल युद्ध: ज्यादातर आयातकों ने रद्द की यात्रा,सीईपीसी ने मेले को रद्द करने का लिया निर्णय*
रिपोर्टर - नितेश श्रीवास्तव
भदोही। अमेरिका, ईरान-इस्रराइल युद्ध के कारण नईदिल्ली में 11 से 14 अप्रैल के बीच होने वाले 50वें इंडिया कारपेट एक्सपो को सीईपीसी ने स्थगित कर दिया है। अमेरिकी टैरिफ हटने के बाद बेहतर कारोबार की उम्मीद लगाए निर्यातकों को एक बार फिर झटका लगा है। कालीन निर्यात संर्वधन परिषद (सीईपीसी) की ओर से आयोजित प्रशासनिक समिति की बैठक में ये निर्णय लिया गया है। मेला स्थगित होने से करीब 400 करोड़ का कारोबार प्रभावित होगा।
50वें कालीन मेले के लिए आयोजन समिति कालीन निर्यात संवर्धन परिषद में काफी समय से ऊहापोह की स्थिति बनी थी। युद्ध के हालातों के बीच मेले में बायरों की भागीदारी और उसकी सफलता के लिए चिंता बना था। मेले में शिरकत करने के लिए अब तक 90 से अधिक निर्यातक स्टॉल के लिए पंजीकरण करा चुके थे। बैठक में प्रशासनिक सदस्यों का मत था कि एक स्टाॅल लगाने में लाखों रुपये खर्च होते हैं। भारी भरकम खर्च के बाद कारोबारी स्टाल लगाएं और उसका लाभ न मिले तो यह चिंता की बात होगी।
टैरिफ हटने से बेहतर कारोबार की थी उम्मीद
बीते साल अक्तूबर में कालीन मेला अमेरिकी टैरिफ के साए में हुआ था। इससे न सिर्फ स्टॉल कम लगे थे, बल्कि बायर भी कम आए थे। यह मेला अमेरिकी टैरिफ हटने के बाद लगने वाला था। ऐसे में निर्यातकों को इसमें बेहतर कारोबार की उम्मीद थी। शायद यहीं कारण था कि इस फेयर में जिले से करीब 90 से अधिक लोगों ने पंजीकरण कराया था, लेकिन अब फेयर रद्द होने से बेहतर कारोबार की उम्मीद धरी रह गई है।
हालात सामान्य होने के बाद निर्णय लेगा सीईपीसी
हालात सामान्य होने के बाद पुन: परिषद की बैठक में सभी मुद्दों पर चर्चा के बाद कोई सकारात्मक निर्णय लिया जाएगा। बैठक की अध्यक्षता परिषद के चेयरमैन कैप्टन मुकेश ने की। परिषद की अधिशासी निदेशक डॉ. स्मिता नागरकोटी, वाइस चेयरमैन असलम महबूब, संजय गुप्ता, वासिफ अंसारी, रोहित गुप्ता, इम्तीयाज अंसारी, अनिल सिंह, रोहित गुप्ता, हुसैन जाफर, शौकत खान आदि ने विचार रखे।
निर्यातकों ने कहा
अमेरिकी टैरिफ हटने के बाद इस मेले से काफी उम्मीद थी, लेकिन अब इसे स्थगित कर दिया है। बायरों के लिए इस बार काफी सैंपल तैयार किए थे। अब अगले फेयर में देखा जाएगा।
- श्यामधर यादव, निर्यातक।
वैश्विक परिस्थितियां कालीन उद्योग को प्रभावित कर रही है। अगर ऐसा ही रहा तो उद्योग के लिए यह बड़ी चिंता का विषय बन सकता है। - जितेन्द्र गुप्ता, निर्यातक।
यह फेयर काफी उम्मीदों वाला था, लेकिन अब स्थगित कर दिया गया है तो ठीक ही है, क्योंकि वहां जाने से भी कोई फायदा नहीं होता। - जाकिर बाबू अंसारी, निर्यातक।
पहले अमेरिकी टैरिफ और अब ईरान-इस्ररायल युद्ध उद्योग के लिए बड़ी समस्या बन गए हैं। इसका स्थायी समाधान तलाशा जाए। नहीं तो निर्यातकों को बड़ा नुकसान होगा। - दर्पण बरनवाल, निर्यातक।
बीते चार कालीन मेले का कारोबार
49वां मेला 300 करोड़
48वां मेला 450 करोड़
47वां मेला 550 करोड़
46वां मेला 600 करोड़
युद्ध जैसे हालातों को देखते हुए यह निर्णय बहुत जरूरी थी। ईरान-इस्ररायल युद्ध अगर इसी तरह लंबा खिंचता रहा तो निश्चित तौर पर कालीन उद्योग पर इसका बुरा प्रभाव पड़ेगा। सीईपीसी की बैठक के बाद सर्वसम्मिति से वर्तमान परिस्थितियों को देखते हुए निर्यातकों के हितों में यह निर्णय लिया गया है। इससे करीब 300 से 400 करोड़ का कारोबार जनरेट होने की उम्मीद है। - असलम महबूब, वाइस चेयरमैन, सीईपीसी।
भदोही।नवरात्रि के प्रथम दिन मां के दरबार में भक्तों की भीड़ उमड़ पड़ी। मां के जयकारे से पूरा मंदिर परिसर गुंजायमान हो गया। वासंतिक नवरात्र के प्रथम दिवस मां शैलपुत्री की अराधना की गई। महिलाओं ने घरों में कलश स्थापना कर शक्ति स्वरूपा मां दुर्गा की नौ दिवसीय अराधना आरंभ की। इस दौरान मंदिरों से लेकर बाजारों तक खुब रौनक देखी गई।वासंतिक नवरात्र के प्रथम दिवस देवी मंदिरों में आस्था का सैलाब उमड़ पड़ा। ज्ञानपुर के द्दोपाइला माता मंदिर, दुर्गागंज तिराहे पर स्थित दुर्गा मंदिर, हरिहरनाथ स्थित मां शीतला, मां काली मंदिर के साथ ही जोरई, ककराही, भुड़की, औराई, सुरियावां, सीमामढ़ी और गोपीगंज के प्राचीन दुर्गा माता मंदिर सदर महाल, सुबह ही आस्थावानों की कतारें लगनी शुरू हो गई। मंदिर परिसर माता के जयकारों से गूंज उठे। खासकर महिलाओं की अच्छी-खासी भीड़ देखने को मिली। व्रती महिलाएं मां की अराधना को पहुंची और विधिवत पूजन-अर्चन किया। भक्तों ने मां से मुरादें मांगी। इसके अलावा घरों में कलश स्थापना की गई। जहां मां भक्त नौ दिनों का पूजन-अर्चन करेंगे। नवरात्र के कारण बाजार में भी अच्छी रौनक देखने को मिली। दर्शन-पूजन को निकली महिलाओं ने जमकर खरीदारी की। गोपीगंज स्थित प्राचीन दुर्गा माता मंदिर के पुजारी धनेश पंडा ने कहा कि नवरात्र में मां की अराधना का विशेष महत्व है। इस पूरे नौ दिनों तक मां अपने भक्तों पर विशेष कृपा बरसाती हैं।
भदोही में विकास की तस्वीर: 9 साल पर प्रदर्शनी और लाभार्थियों को टूलकिट वितरण
नितेश श्रीवास्तव
भदोही। भदोही में प्रदेश सरकार के 9 वर्ष पूरे होने पर “नवनिर्माण के 9 वर्ष” कार्यक्रम के तहत विकास भवन में एक विशेष आयोजन किया गया। इस दौरान लखनऊ के लोक भवन से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के कार्यक्रम का लाइव प्रसारण देखा गया और विकास पुस्तिका का विमोचन किया गया।
कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष अनिरुद्ध त्रिपाठी, विधायक औराई दीनानाथ भास्कर, जिलाधिकारी शैलेश कुमार, भाजपा जिलाध्यक्ष सहित कई जनप्रतिनिधि और अधिकारी मौजूद रहे। सभी ने सरकार की योजनाओं और उपलब्धियों पर चर्चा की। साथ ही भदोही में 9 दिवसीय प्रदर्शनी की शुरुआत भी हुई, जिसमें विभिन्न विभागों की योजनाओं की जानकारी दी जा रही है।
इस मौके पर कई लाभार्थियों को टूलकिट और प्रमाण पत्र भी वितरित किए गए। जनप्रतिनिधियों ने कहा कि सरकार की योजनाओं से किसानों, युवाओं और महिलाओं को काफी लाभ मिला है और प्रदेश में विकास तेजी से हुआ है।
कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोग शामिल हुए और लोकगीतों के माध्यम से भी योजनाओं का प्रचार किया गया।
द्दोपइला प्राचीन मंदिर की है महिमा अपरंपार, नि:संतान दंपति को मिलता है संतान का सुख
नितेश श्रीवास्तव
भदोही । कोतवाली क्षेत्र ज्ञानपुर में प्राचीन द्दोपइला मंदिर को लोग संतान प्राप्ति के लिए जानते हैं। ऐसी मान्यता है कि जिसको कोई संतान नहीं होती है, वो यहां पर आकर मन्नतें मांगते हैं हैं। इसके बाद मां दुर्गा स्वप्न या फिर कुछ संकेत देती हैं, जिसे पूरा करने के बाद संतान की प्राप्ति होती है। ज्ञानपुर के भुड़की गांव में एक ऐसा प्राचीन मंदिर है, जहां मां दुर्गा अपने भक्तों को संतान देती हैं। यहां पर सालों से लोग संतान प्राप्ति की कामना लेकर आते हैं। इसे दुर्गा मंदिर को द्दोपइला मंदिर कहा जाता है। इस मंदिर को लोग संतान प्राप्ति सके लिए जानते हैं. क्योंकि दशकों से जिसको कोई संतान नहीं होती है, वो यहां पर आकर मन्नतें मांगते हैं। तो मां दुर्गा स्वप्न में या फिर कुछ संकेत देती हैं। जिसे पूरा करने के बाद संतान की प्राप्ति होती है।
इस मंदिर के पुजारी अवधेश कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि मेरे दादा द्वारा प्राप्त संतान जो मां दुर्गा मंदिर के स्थापना के बाद प्राप्त हुआ। तो मेरे पिता का नाम दुर्गा प्रसाद रखा गया।यहां हर नवरात्र में भक्तों का तांता लगता है। दूर दराज के लोग यहां पहुंचकर दर्शन पूजन करते हैं। मंदिर पर विभिन्न प्रकार का अनुष्ठान भी पूरे नव दिनों तक चलता है। मंदिर के सामने एक विशाल सरोवर भी स्थित है।
कल से शुरू हो रही है चैत्र नवरात्र, डोली पर आएंगी मां दुर्गा
नितेश श्रीवास्तव
भदोही। नव संवत्सर की शुरुआत के साथ कल से चैत्र नवरात्र का महापर्व आरंभ होगा. इस बार नवरात्र कई शुभ योगों के विशेष संयोग के साथ आ रहे हैं. इस वर्ष माता दुर्गा की सवारी डोली/पालकी पर सवार होकर आ रही है, जिसे सामान्यतः जनकल्याणकारी और शांति का प्रतीक माना जाता है. साथ ही नवरात्र के दौरान कई दिन सर्वार्थ सिद्धि योग भी बन रहा है, जो साधना, जप और पूजा-पाठ के लिए अत्यंत शुभ माना जाता है. ऐसे में इस बार के नवरात्र श्रद्धालुओं के लिए विशेष फलदायी माने जा रहे हैं। आचार्य शरद पांडे ने बताया कि इस बार चैत्र नवरात्र पूरे नौ दिन का होगा। चैत्र नवरात्र के साथ ही हिंदू नववर्ष का भी आरंभ होता है. यह समय शक्ति साधना, आध्यात्मिक उन्नति और सकारात्मक ऊर्जा प्राप्त करने का विशेष अवसर होता है. नवरात्र के दौरान भक्त मां दुर्गा के नौ स्वरूपों की आराधना करते हैं और घरों व मंदिरों में घट स्थापना कर विधि-विधान से पूजा-अर्चना करते हैं. मंदिरों में इसकी तैयारियां अभी से शुरू हो गई हैं और श्रद्धालु भी पूजा सामग्री की तैयारी में जुट गए हैं.
एक घंटे पहले पहुंचें स्टैटिक मजिस्ट्रेट, कक्ष में मोबाइल प्रतिबंधित
नितेश श्रीवास्तव
भदोही। माध्यमिक शिक्षा परिषद की हाईस्कूल-इंटरमीडिएट की बोर्ड परीक्षा बीते बृहस्पतिवार को समाप्त हो गई। परीक्षा समाप्त होने के बाद विभाग अब 18 मार्च से शुरू होने वाले मूल्यांकन की तैयारी में जुट गया है। मूल्यांकन को पारदर्शी बनाने के लिए विशेष इंतजाम किए जा रहे हैं। विभाग ने केंद्र पर तैनात स्टेटिक मजिस्ट्रेटों को एक घंटे पहले पहुंचने के निर्देश दिए हैं। वहीं, परीक्षक सहित अन्य सभी कार्मिक व शिक्षणेत्तर कर्मचारियों को मूल्यांकन कक्ष में मोबाइल ले जाना प्रतिबंधित किया गया है।
बोर्ड परीक्षा की उत्तर पुस्तिकाओं के मूल्यांकन के लिए जिले में विभूति नारायण राजकीय इंटर कालेज ज्ञानपुर को केंद्र बनाया गया है। मूल्यांकन कार्य पूरी तरह निष्पक्ष ढंग से संपन्न हो, इसके लिए इस बार प्रत्येक केंद्र पर जिलाधिकारी की ओर से एक पर्यवेक्षक व एक स्टेटिक मजिस्ट्रेट की तैनाती करने की निर्देश परिषद की ओर से दिया गया है।
विभाग की ओर से किसी भी परीक्षक व शिक्षक कर्मराची को मूल्यांकन कक्ष में मोबाइल ले जाने की अनुमति नहीं दी गई है। हालांकि उन्हें मोबाइल रखने में दिक्कत न हो इसलिए केंद्र के एक कक्ष में टोकन व्यवस्था के तहत जमा कराने की व्यवस्था की गई है। इसके अलावा मूल्यांकन केंद्र में सुरक्षा व पारदर्शिता के दृष्टिगत ड्यूटी पर लगे शिक्षक-कर्मचारियों के अलावा किसी को प्रवेश नहीं दिया जाएगा। जिला विद्यालय निरीक्षक अंशुमान ने बताया कि मूल्यांकन कार्य पूरी पारदर्शिता से हो। इसको देखते हुए यह व्यवस्थाएं की गई हैं।
21.66 करोड़ से सीतामढ़ी, कलिंजरा सेमराध मार्ग का होगा चौड़ीकरण
नितेश श्रीवास्तव
भदोही। जिले के दो धार्मिक पर्यटन स्थलों को जोड़ने वाले सीतामढ़ी, कलिंजरा-सेमराध मार्ग का चौड़ीकरण होगा। शासन की ओर से इसके लिए 21.66 करोड़ रुपये की स्वीकृति मिली है। त्योहारी सीजन में इन मार्गों पर भीड़ बढ़ जाती है। करीब साढ़े 12 किमी मार्ग के चाैड़ीकरण के लिए पहली किस्त के रूप में 2.16 करोड़ रुपये आवंटित कर दिए गए हैं। जिले में सीतामढ़ी और सेमराधनाथ धाम धार्मिक पर्यटन स्थल हैं। यहां हर दिन हजारों लोग आते हैं। इन दोनों धार्मिक पर्यटन स्थलों को जोड़ने वाली 12.400 किमी लंबी सड़क के चौड़ीकरण के लिए काफी दिनों से मांग चल रही थी। इसके लिए ज्ञानपुर विधायक विपुल दुबे ने शासन को प्रस्ताव भी दिया था।
लोकनिर्माण विभाग ने धर्मार्थ मार्गों का सुदृढ़ीकरण, नव निर्माण एवं विकास कराने के लिए एक मुश्त व्यवस्था योजना अंतर्गत इस सड़क के सुदृढ़ीकरण एवं चौड़ीकरण की स्वीकृति दी है। सड़क के चौड़ीकरण से सीतामढ़ी मंदिर, नारेपार, बारीपुर, गोपालापुर, कलिंजरा, बेरवां पहाड़पुर, ओझापुर, नागरदह,सेमराधनाथ आदि गांव जुड़ जाएंगे। इससे बाहर से आने वाले श्रद्धालुओं और सैलानियों को सुविधा होगी।
*बारीपुर बंधा का भी होगा चौड़ीकरण*
सीतामढ़ी से सेमराधनाथ के बीच बारीपुर गांव में गंगा नदी के पास बंधा बनाया गया था। इस बंधे से बारिश और बाढ़ की स्थिति में किसानों और आम लोगों को सुविधाएं होती हैं। साथ ही बंधे की सड़क से बड़ी संख्या में लोगों का आवागमन होता है। सीतामढ़ी से सेमराधनाथ की सड़क इसी बंधे पर बनी हुई है। 2017 में प्रधानमंत्री सड़क बनने के बाद भी इस बंधे को चौड़ा नहीं किया गया। वर्तमान में बंधा की सड़क काफी सकरा और जर्जर है। बड़ी मुश्किल से छोटी चार पहिया वाहन निकल पाती है। अब सड़क को चौड़ीकरण के लिए सरकार से धन स्वीकृत हो गया है। इससे इस सकरा बंधा का भी चौड़ीकरण होगा। - संदीप सरोज, एक्सईएन, पीडब्ल्यूडी ने बताया कि सीतामढ़ी, कलिंजरा-सेमराध मार्ग के चौड़ीकरण के लिए 21.66 करोड़ रुपये की स्वीकृति मिली है। पहली किश्त करीब दो करोड़ रुपये जारी हो चुकी है। जल्द ही निविदा प्रक्रिया पूरी कराकर काम शुरू कराया जाएगा।
सीतामढ़ी,कलिंजरा सेमराध मार्ग के चौड़ीकरण के लिए 21.66 करोड़ रुपए की स्वीकृति मिली है। पहली किश्त करीब दो करोड़ रुपए जारी हो चुकी है। जल्दी ही निविदा प्रक्रिया पूरी कराकर काम शुरू कराया जाएगा
गैस सिलिंडर किल्लत : ढाबा-होटलों में सब्जियों की मेन्यू कम, साउथ इंडीयन और चाइनीज व्यंजन की उपलब्धता नहीं
नितेश श्रीवास्तव
भदोही। ईरान-इस्राइल युद्ध के बीच देश में उपजे ईंधन संकट के कारण गैस सिलिंडर की किल्लत होने से होटल-रेस्टोरेंट और ढाबों में कोयले की भठ्ठियां जलने लगी हैं। मेन्यू में से साउथ इंडियन और चाइनीज व्यंजन को हटा दिया गया है। होटल और ढाबा संचालक ग्राहकों को सिर्फ सीमित ऑर्डर दे पा रहे हैं। पहले जहां होटलों और रेस्त्रां में 20 प्रकार की सब्जियां मिलती थीं। वहीं, ईंधन संकट के कारण अब पांच प्रकार की सब्जियां ही उपलब्ध हैं। जिले के ज्ञानपुर, गोपीगंज, भदोही क्षेत्र में मुस्लिम आबादी अधिक है। ईद से पहले लोग सिलिंडर भरवाने का इंतजाम करना चाहते हैं। रोजे के दौरान वे धूप में खड़े रहकर सिलिंडर लेने के लिए गोदामों में कतार में खड़े हो रहे हैं। प्रयागराज और वाराणसी दो धार्मिक नगरों को जोड़ने वाले हाईवे पर 25 होटल और ढाबे हैं। सिलिंडर संकट के बीच होटल ढाबों में कोयले का चूल्हा जलने लगा है। दुकानदार किसी तरह से ग्राहकों की डिमांड पूरी कर पा रहे हैं। डीएसओ सुनील कुमार ने बताया कि सिलिंडर की कमी नहीं है। एजेंसियों पर भीड़ भी कम हो रहे हैं। जल्द स्थिति सामान्य हो जाएगी। *नहीं बन पा रहे डोसा और इडली जैसे आइटम* होटल और ढाबा संचालकों का कहना है कि दो धार्मिक नगरियों को जोड़ने वाले इस हाईवे पर ज्यादातर दक्षिण भारत के लोग आते हैं। उन्हें साउथ इंडीयन डिश पसंद होते हैं। सिलिंडर नहीं मिलने से साउथ इंडियन डिश नहीं बन पा रहा हैं। ग्राहकों को इसके लिए पहले ही बता दिया जा रहा है। जिससे कई लोग तो वापस हो जा रहे हैं। सिलिंडर नहीं मिला तो लड़की की भठ्ठी पर बना पिता की बरसी का खाना भिदिउरा निवासी मनीष पाठक ने बताया कि रविवार को उनके पिता की पहली बरसी है। सिलिंडर नहीं मिलने के कारण लकड़ी के चुल्हे पर भोजन बनवाना पड़ा। ढाबा संचालकों की परेशानी कई पीढि़यों से यह ढाबा चल रहा है। यहां अधिकतर दक्षिण भारत के आते हैं। सिलिंडर नहीं मिलने के कारण पहली बार ऐसा हुआ है कि मैं उनकी मांग पूरी नहीं कर पा रहा हूं। सब्जियों के कम से कम आठ से 10 वैरायिटी नहीं बन रहे। वहीं, फास्टफूड के आइटम भी नहीं बन रहे हैं। - अभिषेक सिंह, संचालक, राजपूत ढाबा। चार दिनों से सिलिंडर नहीं मिलने के कारण कोयले की भठ्ठी बनाई है। किसी तरह लोगों की जरूरतें पूरी हो रही हैं। भठ्ठी पर रोटियों तो बन जा रही है। सब्जियां बनाने में बहुत परेशानी हो रही है। वहीं, साउथ इंडियन डिश का ऑर्डर लेना बंद कर दिए हैं। - विवेक सिंह, संचालक, शक्ति ढाबा।
नवागत एसपी अभिनव त्यागी ने भदोही का चार्ज लिया:महिला अपराधों पर त्वरित कार्रवाई, कानून व्यवस्था प्राथमिकता
रिपोर्टर - नितेश श्रीवास्तव
भदोही। अभिनव त्यागी ने भदोही के नए पुलिस अधीक्षक का कार्यभार संभाल लिया है। सुबह पुलिस लाइन ज्ञानपुर में उन्हें सलामी गार्द द्वारा सलामी दी गई। अपर पुलिस अधीक्षक भदोही सहित सभी क्षेत्राधिकारियों ने पुष्पगुच्छ भेंटकर उनका स्वागत किया।
यूपी एसआई परीक्षा के बाद शाम को पुलिस लाइन सभागार ज्ञानपुर में नवागत पुलिस अधीक्षक ने जनपद के समस्त पुलिस अधिकारियों और थाना/शाखा प्रभारियों से परिचय प्राप्त किया। इस दौरान उन्होंने जिले की पृष्ठभूमि की जानकारी भी ली।
पुलिस अधीक्षक भदोही ने अवगत कराया कि अपराधों की रोकथाम, अपराधियों के विरुद्ध प्रभावी कार्यवाही और जनपद में चुस्त-दुरुस्त कानून व्यवस्था बनाए रखना उनकी प्रमुख प्राथमिकता रहेगी।
उन्होंने विशेष रूप से महिला संबंधी अपराधों और प्राप्त शिकायतों में सभी संबंधितों द्वारा शीघ्र व प्रभावी कार्यवाही सुनिश्चित करने पर जोर दिया।
आगामी पर्वों जैसे ईद उल फितर, नवरात्रि और रामनवमी को सकुशल संपन्न कराने तथा जनपद की यातायात व्यवस्था को और सुदृढ़ करने पर भी कार्य किया जाएगा।
डीएम शैलेष कुमार व एसपी अभिनव त्यागी ने किया उप निरीक्षक भर्ती परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण, परीक्षा सकुशल सम्पन्न
नितेश श्रीवास्तव
भदोही। जिलाधिकारी शैलेष कुमार एवं नवागत पुलिस अधीक्षक अभिनव त्यागी ने उप निरीक्षक पुलिस भर्ती परीक्षा को शांतिपूर्ण व निष्पक्ष ढंग से सम्पन्न कराने के उद्देश्य से जनपद के विभिन्न परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने काशी नरेश राजकीय महाविद्यालय ज्ञानपुर, जिला पंचायत बालिका इंटर कॉलेज ज्ञानपुर तथा विभूति नारायण राजकीय इंटर कॉलेज ज्ञानपुर में व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने परीक्षा कक्षों, सीसीटीवी निगरानी, सुरक्षा व्यवस्था तथा परीक्षार्थियों के प्रवेश की प्रक्रिया का गहन निरीक्षण किया। जिलाधिकारी ने केंद्र व्यवस्थापकों को निर्देशित किया कि परीक्षा पूरी पारदर्शिता एवं नियमों के अनुरूप सम्पन्न कराई जाए और किसी भी प्रकार की अनियमितता या अव्यवस्था की स्थिति में तत्काल प्रशासन को अवगत कराया जाए।
पुलिस अधीक्षक अभिनव त्यागी ने केंद्रों पर तैनात पुलिस बल को सतर्कता बरतने के निर्देश देते हुए कहा कि परीक्षा के दौरान सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद रखी जाए तथा किसी भी संदिग्ध गतिविधि पर तुरंत कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि परीक्षार्थियों को शांतिपूर्ण माहौल उपलब्ध कराना प्रशासन की प्राथमिकता है।
निरीक्षण के दौरान संबंधित उप जिलाधिकारी, क्षेत्राधिकारी, केंद्र व्यवस्थापक एवं अन्य प्रशासनिक अधिकारी भी मौजूद रहे। प्रशासन की कड़ी निगरानी एवं पुख्ता व्यवस्थाओं के बीच जनपद में उप निरीक्षक पुलिस भर्ती परीक्षा सकुशल एवं शांतिपूर्ण ढंग से सम्पन्न हुई।
1 hour and 51 min ago
- Whatsapp
- Facebook
- Linkedin
- Google Plus
1