पुस्तक पढ़ने से विकसित होता है मस्तिष्क-प्रो.सत्यकाम

मुक्त विश्वविद्यालय में पुस्तक प्रदर्शनी का आयोजन

संजय द्विवेदी प्रयागराज।उ.प्र. राजर्षि टण्डन मुक्त विश्वविद्यालय प्रयागराज के केन्द्रीय पुस्तकालय में एक दिवसीय पुस्तक प्रदर्शनी का भव्य शुभारम्भ मंगलवार को किया गया।पुस्तक प्रदर्शनी का उद्घाटन कुलपति प्रोफेसर सत्यकाम ने किया।इस अवसर पर उन्होंने कहा कि हर व्यक्ति को अपने जीवन में पुस्तक पढ़ने की आदत जरूर डालनी चाहिए।जिससे मानस पटल विकसित होता है तथा व्यक्तित्व में गम्भीरता आती है। डिजिटल युग में लोगों में पुस्तक पढ़ने की प्रवृत्ति कम हो रही है जो कि चिंता जनक है।लोगों में पुस्तक पढ़ने की रुचि जगाने के लिए जगह-जगह पुस्तक मेले लगाए जा रहे हैं।उन्होंने कई महान साहित्यकारों की पुस्तको का वर्णन करते हुए कहा कि मुक्त विश्वविद्यालय के पुस्तकालय में इन ग्रन्थों का अध्ययन कर युवा पीढ़ी ज्ञानार्जन कर सकती है।पुस्तक प्रदर्शनी में आये हुए अतिथियों का स्वागत उप पुस्तकालयाध्यक्ष डॉ आर0 जे0 मौर्य ने पुष्प-गुच्छ से किया। इस अवसर पर कुलसचिव कर्नल विनय कुमार, वित्त अधिकारी पूनम मिश्रा एवं विभिन्न विद्याशाखाओं के निदेशक प्राध्यापकगण एवं छात्र-छात्राएं आदि उपस्थित रहे।इस एक दिवसीय पुस्तक प्रदर्शनी में विश्वविद्वालय के अधिकारियो शिक्षकों एवं छात्र-छात्राओ का आवागमन लगा रहा।पुस्तक प्रदर्शनी में देश-विदेश के प्रतिष्ठित प्रकाशको/आपूर्तिकर्ताओं ने अपनी स्टाल लगाई।विश्वविद्यालय के पुस्तक प्रेमियो विद्यार्थियो ने बढ़-चढ़ कर हिस्सा लिया जिसमें सभी प्रकार की पुस्तकें प्रकाशकों आपूर्तिकर्ताओं द्वारा मेले में प्रदर्शित की गई।पुस्तक प्रदर्शनी में विश्वविद्यालय पुस्तकालय के लिए निदेशको प्राध्यापको परामर्शदाताओ विषय विशेषज्ञों द्वारा पुस्तकों का चयन किया गया।जिनका क्रय पुस्तकालय में किया जायेगा।शिक्षको एवं छात्रो के अकादमिक दृष्टिकोण से यह पुुस्तक मेला अत्यन्त ही लाभप्रद साबित हुआ जिसमें विभिन्न प्रकाशकों की पुस्तके एक स्थान पर उपलब्ध हो सकी। इस एक दिवसीय पुस्तक प्रदर्शनी का समापन सायं 05ः00 बजे हुआ।

यूजीसी काला कानून के विरोध में स्वर्ण समाज प्रयागराज से भारतीय किसान यूनियन भानू की टीम दिल्ली पहुंची
विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज ।जनपद प्रयागराज से भारतीय किसान यूनियन भानू की टीम यूजीसी काला कानून के विरोध में दिल्ली पहुंची। इस टीम में राष्ट्रीय महासचिव डॉक्टर बीके सिंह, प्रदेश संगठन मंत्री राकेश सिंह , प्रदेश महामंत्री ठाकुर कृष्णराज सिंह , जिलाध्यक्ष पंकज प्रताप सिंह और हजारों की संख्या में संगठन के कार्यकर्ता और पदाधिकारी शामिल थे।

यह जानकारी देते हुए संगठन के नेताओं ने बताया कि यूजीसी काला कानून के विरोध में यह टीम दिल्ली में प्रदर्शन करेगी और सरकार से इस कानून को वापस लेने की मांग करेगी। उन्होंने बताया कि यह कानून छात्रों और शिक्षकों के हित में नहीं है और इसे वापस लेना आवश्यक है।

संगठन के नेताओं ने बताया कि वे दिल्ली में विभिन्न मंत्रालयों और अधिकारियों से मिलकर इस मुद्दे पर चर्चा करेंगे और सरकार को अपनी मांगों से अवगत कराएंगे। उन्होंने बताया कि यदि सरकार उनकी मांगों को नहीं मानती है, तो वे आगे भी आंदोलन जारी रखेंगे।

इस बीच, संगठन के कार्यकर्ताओं ने दिल्ली में रैली निकालकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और यूजीसी काला कानून को वापस लेने की मांग की। उन्होंने कहा कि वे इस कानून को वापस लेने के लिए किसी भी हद तक जा सकते हैं।

स्वर्ण समाज का आरोप यूजीसी काला कानून से छात्रों का भविष्य होगा बर्बाद

प्रयागराज,स्वर्ण समाज के नेताओं ने यूजीसी काला कानून को वापस लेने की मांग की है। उनका आरोप है कि यह कानून छात्रों के भविष्य को बर्बाद कर देगा। उन्होंने सरकार से इस कानून को वापस लेने की अपील की है।

भाजपा नेताओं पर आरोप यूजीसी काला कानून के पीछे है भाजपा की राजनीति

प्रयागराज, स्वर्ण समाज के नेताओं ने भाजपा नेताओं पर आरोप लगाया है कि यूजीसी काला कानून के पीछे भाजपा की राजनीति है। उनका आरोप है कि भाजपा सरकार छात्रों के भविष्य को बर्बाद करने पर तुली हुई है।
आगामी त्योहारों और परीक्षाओं के मद्देनजर कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए
प्रयागराज में धारा 163 के तहत निषेधाज्ञा लागू, 16 अप्रैल तक रहेगा प्रभावी


विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज ,अपर पुलिस आयुक्त, कानून एवं व्यवस्था, कमिश्नरेट- प्रयागराज द्वारा मंगलवार से भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता-2023 की धारा-163 के अन्तर्गत सम्पूर्ण कमिश्नरेट प्रयागराज मे 9 मार्च 2026 से 16 अप्रैल 2026 तक निषेधाज्ञा जारी की गई है।

निषेधाज्ञा में निम्नलिखित प्रतिबंध लगाए गए हैं:

कोई भी वक्ता/व्यक्ति/राजनैतिक दल किसी धर्म, जाति एवं व्यक्ति विशेष की आलोचना न तो अपने वक्तव्य में करेगा और न ही साम्प्रदायिक उन्माद व जातिगत संघर्ष उत्पन्न करने वाले आपत्तिजनक कैसेट ही बजायेगा।
कोई भी वाहन सार्वजनिक स्थानों पर जाति के नाम अथवा जाति को महिमामंडित करने सम्बन्धी स्लोगन/स्टिकर आदि लगाकर नहीं चलेगा।
कोई भी कस्बों, तहसीलों और जिला मुख्यालय में जातिगत या अभिमान के कारण जाति को महिमामंडित करने वाले तथा भौगोलिक क्षेत्रों को जातिगत क्षेत्र या जागीर घोषित करने वाले न तो कोई साइनबोर्ड्स लगायेगा और न ही किसी प्रकार की कोई जातिगत घोषणा करेगा।
जाति आधारित रैलियों तथा समाज में जाति संघर्ष को बढ़ावा देने वाली "लोक-व्यवस्था" और "राष्ट्रीय एकता" के विपरीत किसी भी प्रकार के जातिगत कार्यक्रम का आयोजन नहीं किया जायेगा।
कोई भी सोशल मीडिया पर किसी जाति को महिमामंडित करने तथा किसी जाति की निंदा तथा जातिगत द्वेष फैलाने वाले संदेश प्रसारित नहीं करेगा।
कोई भी व्यक्ति सार्वजनिक रास्ते में अवरोध उत्पन्न नहीं करेगा और न ही ऐसा करने के लिए किसी को प्रेरित करेगा। यातायात तथा आवागमन में कोई व्यवधान उत्पन्न नहीं करेगा।
किसी भी सार्वजनिक स्थल पर पाँच या पाँच से अधिक व्यक्ति बिना सक्षम अधिकारी के आदेश के धरना, जुलूस प्रदर्शन आदि के लिए एकत्रित नहीं होंगे और न ही ऐसा करने के लिए किसी को प्रेरित करेंगे।
कोई भी व्यक्ति किसी प्रकार का अग्नेयास्त्र विष्फोटक पदार्थ या ऐसी वस्तु जिनका प्रयोग आक्रमण किये जाने में किया जा सकता है यथा चाकू, भाला, बरछी, तलवार, छुरा आदि लेकर नहीं चलेगा और न ही इनको किसी स्थान पर एकत्रित करेगा और न ही इनका सार्वजनिक प्रदर्शन करेगा।

इस निषेधाज्ञा का उल्लंघन करने पर भारतीय न्याय संहिता-2023 की धारा-223 के अन्तर्गत दण्डनीय होगा।
यूजीसी काला कानून के विरोध में स्वर्ण समाज प्रयागराज से भारतीय किसान यूनियन भानू की टीम दिल्ली पहुंची


विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज । जनपद प्रयागराज से भारतीय किसान यूनियन भानू की टीम यूजीसी काला कानून के विरोध में दिल्ली पहुंची। इस टीम में राष्ट्रीय महासचिव डॉक्टर बीके सिंह, प्रदेश संगठन मंत्री राकेश सिंह , प्रदेश महामंत्री ठाकुर कृष्णराज सिंह , जिलाध्यक्ष पंकज प्रताप सिंह और हजारों की संख्या में संगठन के कार्यकर्ता और पदाधिकारी शामिल थे।

यह जानकारी देते हुए संगठन के नेताओं ने बताया कि यूजीसी काला कानून के विरोध में यह टीम दिल्ली में प्रदर्शन करेगी और सरकार से इस कानून को वापस लेने की मांग करेगी। उन्होंने बताया कि यह कानून छात्रों और शिक्षकों के हित में नहीं है और इसे वापस लेना आवश्यक है।

संगठन के नेताओं ने बताया कि वे दिल्ली में विभिन्न मंत्रालयों और अधिकारियों से मिलकर इस मुद्दे पर चर्चा करेंगे और सरकार को अपनी मांगों से अवगत कराएंगे। उन्होंने बताया कि यदि सरकार उनकी मांगों को नहीं मानती है, तो वे आगे भी आंदोलन जारी रखेंगे।

इस बीच, संगठन के कार्यकर्ताओं ने दिल्ली में रैली निकालकर सरकार के खिलाफ नारेबाजी की और यूजीसी काला कानून को वापस लेने की मांग की। उन्होंने कहा कि वे इस कानून को वापस लेने के लिए किसी भी हद तक जा सकते हैं।

स्वर्ण समाज का आरोप यूजीसी काला कानून से छात्रों का भविष्य होगा बर्बाद

प्रयागराज,स्वर्ण समाज के नेताओं ने यूजीसी काला कानून को वापस लेने की मांग की है। उनका आरोप है कि यह कानून छात्रों के भविष्य को बर्बाद कर देगा। उन्होंने सरकार से इस कानून को वापस लेने की अपील की है।

भाजपा नेताओं पर आरोप यूजीसी काला कानून के पीछे है भाजपा की राजनीति

प्रयागराज, स्वर्ण समाज के नेताओं ने भाजपा नेताओं पर आरोप लगाया है कि यूजीसी काला कानून के पीछे भाजपा की राजनीति है। उनका आरोप है कि भाजपा सरकार छात्रों के भविष्य को बर्बाद करने पर तुली हुई है।
मीडिया की खबरों का असर, भिटरिया में ग्राम सभा की जमीन पर कब्जा करने वालों पर चला प्रशासन का डंडा
गाटा संख्या एक सौ तेइस की जमीन खाली कराने का आदेश, तीन कब्जाधारियों पर जुर्माना और बेदखली की कार्रवाई का आदेश

विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज ।सोमवार को करछना तहसील क्षेत्र के ग्राम सभा भिटरिया में ग्राम सभा की जमीन पर अवैध कब्जे के मामले में आखिरकार प्रशासन ने कार्रवाई शुरू कर दी है। पिछले कई दिनों से मीडिया में लगातार प्रकाशित हो रही खबरों और ग्रामीणों की शिकायतों के बाद तहसील प्रशासन ने मामले का संज्ञान लेते हुए गाटा संख्या एक सौ तेइस की भूमि पर कब्जा करने वाले तीन व्यक्तियों के खिलाफ बेदखली और जुर्माने का आदेश जारी किया है।

महेन्द्र नाथ तिवारी को आराजी संख्या एक सौ तेइस, रकबा शून्य दशमलव शून्य एक एक शून्य हेक्टेयर भूमि से बेदखल करने का आदेश दिया गया है तथा उन पर तीन हजार अस्सी रुपये का जुर्माना लगाया गया है। इसी प्रकरण में छेदीलाल तिवारी को भी आराजी संख्या एक सौ तेइस की भूमि से बेदखल करने का आदेश देते हुए उन पर छह हजार तिरसठ रुपये का अर्थदंड लगाया गया है। वहीं लालजी तिवारी को आराजी संख्या एक सौ तेइस, रकबा शून्य दशमलव शून्य शून्य छह शून्य हेक्टेयर भूमि से बेदखल करने का आदेश दिया गया है तथा उन पर तीन हजार तीन सौ सात रुपये का जुर्माना निर्धारित किया गया है।

तहसीलदार करछना ने राजस्व निरीक्षक तथा क्षेत्रीय लेखपाल को स्पष्ट निर्देश दिया है कि पुलिस बल की मौजूदगी में मौके पर पहुंचकर बेदखली की कार्रवाई कराई जाए, ग्राम सभा की जमीन को कब्जा मुक्त कराया जाए और कार्यवाही की रिपोर्ट तत्काल तहसील कार्यालय में प्रस्तुत की जाए।
भारत की जीत के जश्न के साथ होली मिलन समारोह मनाया

प्रयागराज । लायंस क्लब इलाहाबाद सिटी के द्वारा होली मिलन समारोह गुलाटी गेस्ट हाउस चैथम लाइन्स प्रयागराज मे धूमधाम के साथ मनाया गयाl क्लब के सदस्यों ने एक-दूसरे को अबीर गुलाल लगाकर गले मिलकर होली की शुभकामनाएं दी। कार्यक्रम में राधा कृष्ण के नृत्य के साथ फूलों की होली मनाई गई। अनेक लजीज व्यंजन का सदस्यों ने आनंद लिया। अध्यक्ष ला. संजीव तिवारी ने सभी सदस्यों का स्वागत अभिनंदन किया । महिला सदस्यों द्वारा पुरुष सदस्यों को होली की उपाधि दी गई। जनसंपर्क अधिकारी लालू मित्तल ने बताया कि प्रांगण में एक बड़ी एलईडी स्क्रीन लगाकर क्रिकेट मैच देखा।

सभी सदस्य अति उत्साहित होकर भारत की जीत की कामना करते रहे। विश्व चैंपियन बनने पर सदस्यों ने ढोल नगाड़े पर जमकर नृत्य किया। पूर्व अंतर्राष्ट्रीय निदेशक डॉ जगदीश गुलाटी की उपस्थिति महत्वपूर्ण रहीl कार्यक्रम में सचिव ला. संजीव त्यागी, कोषाध्यक्ष ला.प्रमोद श्रीवास्तव, संयोजक ला. अजय अवस्थी, ला. अनीता अग्रवाल, ला.लालू मित्तल, ला. रमा तिवारी, ला. रेखा त्यागी, ला. ज्योति श्रीवास्तव, ला. पंकज रस्तोगी, ला.  राजेंद्र गुप्ता, एल.  तरूण भाटिया, ला. आशु भाटिया, ला. कमलेश यादव, जोन  चेयरपर्सन ला. अनूप सिंह, ला. सविता सिंह, ला. अमरेंद्र सिंह, ला. रागिनी सिंह, ला. दिनेश केशरवानी, ला. रामकिशोर अग्रवाल, ला. संजय जैन, ला. पीयूष अग्रवाल, ला. कल्पना अग्रवाल, ला. हुकुम केसरवानी, ला. प्रतिमा केसरवानी आदि सदस्य उपस्थित रहे।
फाफामऊ  में भव्य होली मिलन समारोह, व्यापारियों और जनप्रतिनिधियों ने दिया एकता का संदेश
प्रयागराज।फाफामऊ के ऐतिहासिक चौराहे पर अखिल भारतीय उद्योग व्यापार मंडल की ओर से भव्य होली मिलन समारोह का आयोजन बड़े उत्साह और उल्लास के साथ किया गया। अध्यक्ष फाफामऊ गंगापार अजय जायसवाल ने सभी व्यापारियों को होली की हार्दिक शुभकामनाएं दी और व्यापारियों से उनकी सुरक्षा रक्षा का वादा किया और एक दूसरे का हमेशा साथ देने का आग्रह कियाl जिलाध्यक्ष लालू मित्तल ने अतिथियों को  अबीर गुलाल लगाकर ,गले मिलकर अंग वस्त्रम भेंट करके स्वागत किया। कार्यक्रम में सैकड़ों की संख्या में व्यापारी, स्थानीय नागरिक और गणमान्यलोग शामिल हुए। पूरे क्षेत्र में होली के रंग, संगीत और भाईचारे का अद्भुत माहौल देखने को मिला।

समारोह के दौरान व्यापारियों ने एक-दूसरे को अबीर-गुलाल लगाकर और गले मिलकर होली की शुभकामनाएं दीं। कार्यक्रम में नृत्य और संगीत का भी आयोजन किया गया, जिसमें उपस्थित लोगों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। रंगों और खुशियों से सराबोर यह आयोजन देर तक चलता रहा और लोगों ने एक-दूसरे के साथ मिलकर होली के पर्व की खुशियां साझा कीं।
इतिहास को भुलाया नहीं जाना चाहिए- सुधीर विद्यार्थी
जन-स्मृति से जोड़ता है सुधीर विद्यार्थी का लेखन-प्रोफेसर सत्यकाम

मुविवि में स्वतंत्रता संग्राम और प्रयागराज विषय पर व्याख्यान का आयोजन

प्रयागराज । उत्तर प्रदेश राजर्षि टंडन मुक्त विश्वविद्यालय,  प्रयागराज के समाज विज्ञान विद्या शाखा के तत्वावधान में शनिवार को सरस्वती परिसर स्थित लोकमान्य तिलक शास्त्रार्थ सभागार में स्वतंत्रता संग्राम और प्रयागराज विषय पर व्याख्यान का आयोजन किया गया।
व्याख्यान के मुख्य वक्ता प्रख्यात लेखक सुधीर विद्यार्थी ने इतिहास, क्रांतिकारी चेतना और वर्तमान समय की चुनौतियों पर गंभीर विचार व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि लेखन केवल अतीत का वर्णन न करे, बल्कि भविष्य को दिशा देने वाला होना चाहिए। उन्होंने 1921 से स्वतंत्रता आंदोलन की चर्चा प्रारंभ करते हुए महान क्रांतिकारी सचिन्द्र नाथ सान्याल के प्रसिद्ध “पीला पर्चा” का उल्लेख किया, जिसमें एक ऐसे समाज की कल्पना की गई थी जहाँ मनुष्य द्वारा मनुष्य का शोषण न हो। श्री विद्यार्थी ने ऐतिहासिक काकोरी कांड को स्वतंत्रता संग्राम के निर्णायक क्षणों में से एक बताते हुए हिन्दुस्तान सोशलिस्ट रिपब्लिकन एसोसिएशन की भूमिका पर प्रकाश डाला। प्रयागराज स्थित आनंद भवन का उल्लेख करते हुए उन्होंने इसे राष्ट्रीय चेतना का केंद्र बताया।
उन्होंने आचार्य कृपलानी की भाषा शैली, बलुआ घाट की ऐतिहासिक सभा में बालकृष्ण भट्ट के उद्बोधन तथा क्रांतिकारी परंपरा में चन्द्रशेखर आज़ाद और भगत सिंह के योगदान का उल्लेख किया। उन्होंने इतिहासकार पंडित सुंदरलाल की औपनिवेशिक सत्ता पर लिखी रचनाओं का संदर्भ देते हुए  कहा कि इतिहास केवल स्मरण नहीं, चेतना का आधार है।
श्री विद्यार्थी ने मोतीलाल नेहरू, पुरुषोत्तम दास टंडन तथा प्रयागराज क्षेत्र में सक्रिय राष्ट्रीय आंदोलनों  होम रूल आंदोलन, खिलाफत आंदोलन और असहयोग आंदोलन की भूमिका पर भी प्रकाश डाला। श्री विद्यार्थी ने चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि आज त्याग और बलिदान की भावना क्षीण होती दिखाई दे रही है। उन्होंने उपस्थित जनसमूह से आह्वान किया कि इतिहास को भुलाया नहीं जाना चाहिए, बल्कि उसे जीवित रखना समय की आवश्यकता है।
अध्यक्षता करते हुए कुलपति प्रोफेसर सत्यकाम ने  कहा कि सुधीर विद्यार्थी का लेखन इतिहास को जन-स्मृति से जोड़ता है, जो आज अत्यंत प्रासंगिक है। कुलपति ने प्रयागराज के स्वतंत्रता आंदोलन से जुड़े इतिहास को विश्वविद्यालय पाठ्यक्रम में शामिल करने का प्रस्ताव रखा। साथ ही इतिहास विभाग से अपेक्षा की कि वे सुधीर विद्यार्थी के लेखन पर अकादमिक शोध की दिशा में पहल करें। उन्होंने कहा कि स्थानीय इतिहास को अकादमिक रूप देना नई पीढ़ी को अपनी वैचारिक विरासत से जोड़ने का प्रभावी माध्यम होगा। इसी क्रम में उन्होंने अपनी प्रथम पुस्तक में वर्णित शहीद अशफाक उल्ला खाँ के योगदान का उल्लेख करते हुए उनके त्याग और वैचारिक दृढ़ता को याद किया।
कार्यक्रम का संचालन आयोजन सचिव डॉ  सुनील कुमार ने किया। अतिथियों का स्वागत कार्यक्रम निदेशक प्रोफेसर एस कुमार तथा धन्यवाद ज्ञापन प्रोफेसर संजय सिंह ने दिया। इस अवसर पर समस्त विश्वविद्यालय के आचार्य, सह-आचार्य, शिक्षकगण, कर्मचारी, छात्र-छात्राएँ, शोधार्थी आदि उपस्थित रहे। डॉ प्रभात चन्द्र मिश्र
जनसंपर्क अधिकारी
मुक्त विश्वविद्यालय में फूलों की होली
प्रयागराज । उत्तर राजर्षि टंडन मुक्त विश्वविद्यालय, प्रयागराज में होली अवकाश के पूर्व शनिवार को सांस्कृतिक कार्यक्रमों के साथ फूलों की होली खेली गई। सांस्कृतिक कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षक लोक कलाकार दिनेश यादव एवं साथियों द्वारा गाए गए होली गीत रहे। इस अवसर पर कुलपति प्रोफेसर सत्यकाम ने विश्वविद्यालय परिवार के सदस्यों के साथ फूलों की होली खेली। प्रोफेसर सत्यकाम ने कहा कि होली पर्व हमें बैरभाव भुलाकर मिलजुल कर रहने का संदेश देता है। उन्होंने विश्वविद्यालय की समृद्धि की कामना की। सांस्कृतिक  कार्यक्रमों का संयोजन प्रोफेसर ज्ञान प्रकाश यादव ने किया।
प्रयागराज: अलग-अलग स्थानों पर हुई मार्ग दुर्घटना में बारहवीं के दो छात्रों की माैत
प्रयागराज। उत्तर प्रदेश के प्रयागराज जिले में सोमवार को अलग-अलग स्थानों पर हुई मार्ग दुर्घटना में बारहवीं के दो छात्रों की मौत हो गई। सूचना पर पहुंची पुलिस टीम ने शवाें कब्जे में लेकर विधिक कार्रवाई की।

पहली घटना प्रयागराज के खुल्दाबाद थाना क्षेत्र में डीएसए ग्राउंड में सोमवार को बस की टक्कर लगने से बारहवीं के छात्र की मौत हो गई। सूचना पर पहुंची पुलिस टीम ने शव को कब्जे में लेकर परिवार को खबर दी। इस संबंध में जानकारी देते हुए पुलिस उपायुक्त नगर मनीष कुमार शांडिल्य ने बताया कि हादसे में नगर के सिविल लाइन थाना क्षेत्र में स्थित सप्रू मार्ग निवासी मनीष कुमार (18) पुत्र श्याम सिंह की मौत हो गई। वह मोटरसाइकिल से बारहवीं की परीक्षा देने जा रहा था। पुलिस ने शव कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। दूसरी घटना प्रयागराज के खीरी थाना क्षेत्र के सीकी गांव के समीप सोमवार को दो मोटरसाइकिल की भिड़ंत में बारहवीं के छात्र गरुड़ कुमार (18) पुत्र संतोष मिश्रा की मौत हो गई। हादसे में दूसरे मोटरसाइकिल पर सवार छात्र घायल हुए हैं। हादसे के संबंध में जानकारी देते हुए पुलिस उपायुक्त यमुनानगर विवेक चन्द्र यादव ने बताया कि मृत छात्र गरुड़ कुमार मिश्रा मध्य प्रदेश के रीवा जिले में स्थित सोहागी थाना क्षेत्र के बजरा गांव निवासी संतोष मिश्रा का बेटा है। वह मोटरसाइकिल से बारहवीं की परीक्षा देने जा रहा था। लेकिन हादसे का शिकार हो गया। परिवार के लोग स्वरूपरानी नेहरू चिकित्सालय में पहुंचे हैं। पुलिस परिवार से प्रार्थना पत्र लेकर विधिक कार्रवाई कर रही है।