RPF हिरासत मामले में हाईकोर्ट ने मांगा ब्योरा,8 दिसम्बर तक सरकार को उपलब्ध कराना होगा ब्योरा
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गोंडा।जिले में रेलवे सुरक्षा बल की हिरासत में संजय सोनकर की मौत के मामले में लखनऊ उच्च न्यायालय ने भारत सरकार व उत्तर प्रदेश सरकार से विस्तृत ब्योरा मांगा है।कोर्ट ने दोनों सरकारों को 8 दिसंबर तक मामले में की गयी कार्रवाई और जाँच की स्थिति पर रिपोर्ट दाखिल करने का निर्देश दिया है।परिजनों का आरोप है कि घटना के 25 दिन बाद भी नामजद पुलिसकर्मियों की गिरफ्तारी नहीं हुई है।मृतक संजय सोनकर के भाई राजू सोनकर ने हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी।उन्होंने उत्तर प्रदेश सरकार, भारत सरकार पुलिस महानिदेशक उत्तर प्रदेश,पुलिस अधीक्षक गोण्डा, नगर कोतवाल और रेलवे सुरक्षा बल के आरोपी तीन पुलिसकर्मियों को भी इसमें पक्षकार बनाया है।
मामले की सुनवाई लखनऊ हाईकोर्ट की डबल बेंच जस्टिस प्रमोद कुमार श्रीवास्तव व जस्टिस राजीव गुप्ता ने की।अगली सुनवाई 8 दिसंबर को निर्धारित है।बताते चलें कि संजय सोनकर की मौत 4 नवंबर को रेलवे सुरक्षा बल गोंडा की हिरासत में हुई थी।वह मोतीगंज थाना क्षेत्र के किनकी गांव का निवासी था।राजू सोनकर ने रेलवे सुरक्षा बल के उप निरीक्षक सुरेन्द्र कुमार,करण सिंह यादव और सिपाही अमित कुमार सहित कुछ अज्ञात रेलवे सुरक्षा बल जवानों के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कराया था तथा बाद में इसमें एससी एसटी एक्ट की धारायें भी जोड़ी गई।मामले की जांच पुलिस क्षेत्राधिकारी नगर आनंद राय कर रहे हैं।
परिजनों का कहना है कि मुकदमा दर्ज होने और हत्या के 25 दिन बीत जाने के बावजूद आरोपियों की गिरफ्तारी नहीं हुई है।उन्होंने कई बार अधिकारियों से आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की थी,लेकिन जब कोई कार्रवाई नहीं हुई तो वे न्याय के लिए हाईकोर्ट पहुंचे हैं।जिनकी याचिका पर हाईकोर्ट में सुनवाई हुई है और यह आदेश दिया गया है।








31 min ago
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