मैट्रिक और इंटर में सफल मेधावी छात्रों को किया सम्मानित
मैट्रिक और इंटर में सफल मेधावी छात्रों को किया सम्मानित आमस प्रखंड के अकौना गांव में संचालित नौशाद कोचिंग सेंटर में छात्र-छात्राओं के लिए शुक्रवार को सम्मान का आयोजन किया गया। जहां मैट्रिक और इंटरमीडिएट में शानदार सफलता हासिल करने वाले 82 छात्रों को मेडल और सर्टिफिकेट देकर सम्मानित किया गया। कोचिंग के डायरेक्टर नौशाद आलम ने बताया की मैट्रिक में 48 और इंटरमीडिएट में 34 बच्चों ने अच्छे अंकों के साथ परीक्षा पास किया है। इनके हौसला अफ़ज़ाई में एक समारोह का आयोजन किया गया। अतिथि के रूप में शामिल सिफार संस्था के शिकोह अलबदर और मुस्कान फाउंडेशन के फाउंडर इमरोज़ अली ने होनहार छात्रों को सम्बोधित करते हुए उनका मनोबल बढ़ाया और आगे की पढ़ाई जारी रख अपने मंज़िल को प्राप्त करने की सलाह दी। कहा जो अच्छे संस्कार के साथ शिक्षा हासिल करते है उसे कामयाबी अवश्य मिलती है। मौके पर छात्र नासीर, इरशाद, ज़ैद, श्रवण, रंधीर, आदित्या, धीरज, छात्रा कुसुम, भारती, सुम्बुल, अफसाँ, नीतू, रहनुमा, फ़िज़ा आदि उपस्थित थे।


रिपोर्टर:- धनंजय कुमार यादव
खनन राजस्व में रिकॉर्ड बढ़ोतरी, मार्च में 780 करोड़ की प्राप्ति

* 7150 करोड़ के वार्षिक लक्ष्य पर फोकस, अवैध खनन पर जीरो टॉलरेंस नीति सख्त

लखनऊ। उत्तर प्रदेश के भूतत्त्व एवं खनिकर्म विभाग ने खनन राजस्व में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज करते हुए मार्च माह में तय लक्ष्य से कहीं अधिक राजस्व प्राप्त किया है। विभाग की सचिव एवं निदेशक श्रीमती माला श्रीवास्तव के अनुसार, 600 करोड़ रुपये के लक्ष्य के सापेक्ष 780 करोड़ रुपये से अधिक राजस्व अर्जित किया गया, जो पिछले वर्ष की तुलना में बड़ी उपलब्धि है।
उन्होंने बताया कि वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए 7150 करोड़ रुपये का महत्वाकांक्षी लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए विभाग ने रणनीतिक कार्ययोजना तैयार करते हुए सभी जनपदीय और क्षेत्रीय अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि राजस्व प्राप्ति सर्वोच्च प्राथमिकता पर सुनिश्चित की जाए।
श्रीमती श्रीवास्तव ने कहा कि अवैध खनन, अवैध परिवहन और ओवरलोडिंग पर स्रोत स्तर से ही प्रभावी नियंत्रण के निर्देश दिए गए हैं। इसके लिए IoT आधारित RFID चेकगेट्स और वाहन ट्रैकिंग सिस्टम का व्यापक उपयोग किया जा रहा है। प्रदेश में 40,000 से अधिक वाहनों में लोकेशन ट्रैकिंग डिवाइस लगाए गए हैं, जिससे खनिज परिवहन की लाइव मॉनिटरिंग संभव हो रही है।
इसके साथ ही Photo Geology एवं Remote Sensing (PGRS) तकनीक के माध्यम से सैटेलाइट इमेजरी का उपयोग कर नए खनन क्षेत्रों की पहचान और मौजूदा क्षेत्रों की निगरानी की जा रही है। इससे अवैध गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित हुआ है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि जीरो टॉलरेंस नीति के तहत अवैध खनन और संबंधित गतिविधियों पर कड़ी कार्रवाई जारी रहेगी। विभागीय अधिकारियों को नियमित छापेमारी अभियान चलाने, राजस्व वसूली की सतत समीक्षा करने और ई-गवर्नेंस के जरिए पारदर्शिता बढ़ाने के निर्देश दिए गए हैं।
श्रीमती माला श्रीवास्तव ने कहा कि आधुनिक तकनीक, सख्त निगरानी और समन्वित प्रयासों के चलते न केवल अवैध गतिविधियों पर अंकुश लगा है, बल्कि राजस्व वृद्धि के नए आयाम भी स्थापित हुए हैं। उन्होंने अधिकारियों से आह्वान किया कि पूर्ण पारदर्शिता और जिम्मेदारी के साथ कार्य करते हुए निर्धारित लक्ष्य को समयबद्ध रूप से हासिल करें, जिससे प्रदेश के विकास कार्यों को और गति मिल सके।
वाराणसी से “स्कूल चलो अभियान-2026” का शुभारंभ करेंगे सीएम योगी आदित्यनाथ
* शत-प्रतिशत नामांकन और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पर जोर, दो चरणों में चलेगा अभियान

लखनऊ/वाराणसी।
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शनिवार को वाराणसी स्थित कंपोजिट विद्यालय, शिवपुर से नए शैक्षिक सत्र 2026-27 के लिए “स्कूल चलो अभियान-2026” का भव्य शुभारंभ करेंगे। कार्यक्रम का आयोजन सुबह 9:30 बजे होगा, जिसका सीधा प्रसारण दूरदर्शन और मुख्यमंत्री के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर किया जाएगा।
बेसिक शिक्षा राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) संदीप सिंह ने अभियान के महत्व को रेखांकित करते हुए कहा कि यह केवल एक सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि प्रदेश के भविष्य को संवारने का संकल्प है। उन्होंने बताया कि लक्ष्य है कि कोई भी बच्चा शिक्षा से वंचित न रहे और शत-प्रतिशत नामांकन सुनिश्चित किया जाए। इसके लिए अधिकारियों को घर-घर जाकर अभिभावकों को जागरूक करने के निर्देश दिए गए हैं।
महानिदेशक, स्कूल शिक्षा मोनिका रानी के अनुसार यह अभियान दो चरणों में संचालित होगा। पहला चरण 1 अप्रैल से 15 अप्रैल तक और दूसरा चरण 1 जुलाई से 15 जुलाई तक चलेगा। इस दौरान नामांकन बढ़ाने, निशुल्क पाठ्य-पुस्तकों, यूनिफॉर्म और बैग वितरण के साथ-साथ व्यापक जन-जागरूकता अभियान चलाया जाएगा।
विद्यालयों में सांस्कृतिक कार्यक्रम, रैलियां और जनप्रतिनिधियों के संबोधन के माध्यम से शिक्षा के प्रति सकारात्मक वातावरण बनाया जाएगा। साथ ही, नामांकन प्रक्रिया में पारदर्शिता और डीबीटी के माध्यम से मिलने वाली सुविधाओं का समय पर लाभ सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
मुख्य कार्यक्रम के समानांतर प्रदेश के सभी जिलों में जिलाधिकारियों की अध्यक्षता में विशेष आयोजन होंगे, जिनमें जनप्रतिनिधियों, अभिभावकों और प्रबुद्ध वर्ग की भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी। अभियान के समापन पर रैलियों और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के जरिए शिक्षा के प्रति जागरूकता का संदेश दिया जाएगा।
गोण्डा पुलिस की समीक्षा गोष्ठी: लंबित अभियोगों का निस्तारण और अपराधियों पर कड़ा नियंत्रण

गोण्डा। पुलिस अधीक्षक गोण्डा  विनीत जायसवाल ने शुक्रवार को कैम्प कार्यालय में जनपद के समस्त राजपत्रित अधिकारियों के साथ समीक्षा गोष्ठी आयोजित की। गोष्ठी में लंबित अभियोगों की विवेचना, जांच प्रार्थना पत्रों की स्थिति, प्रारंभिक जांच और पेशेवर अपराधियों पर कार्रवाई की विस्तृत समीक्षा की गई।

मुख्य निर्देश और समीक्षा

लंबित विवेचनाओं, विशेषकर अनवारित अभियोगों को जल्द निस्तारित करने के निर्देश।
इनामी और जिलाबदर अभियुक्तों की जानकारी ली गई और गैंगस्टर प्रकरणों में धारा 14(1) के तहत संपत्ति जब्ती की समीक्षा की गई।
पेशेवर अपराधियों को चिन्हित कर अधिक से अधिक गैंग रजिस्ट्रेशन हेतु निर्देश।
"ऑपरेशन कनविक्शन" के अंतर्गत चिन्हित वाद/मुकदमों की समीक्षा और नए मुकदमों की पहचान।
वाहन चोरी/नकबजनी के हॉटस्पॉट की पहचान कर रात्रि गश्त प्रभावी बनाने, प्रमुख चौराहों और संवेदनशील क्षेत्रों पर बैरियर लगवाने का निर्देश।
पीड़ितों की समस्याओं का तत्काल निस्तारण और सहानुभूतिपूर्ण सुनवाई सुनिश्चित करने हेतु सभी अधिकारियों को निर्देश।
धारा 107 BNSS के अंतर्गत अपराध से अर्जित अवैध संपत्ति के विरुद्ध प्रभावी कार्यवाही सुनिश्चित करने का निर्देश।
यक्ष ऐप का उपयोग अधिक से अधिक अभियोगों में करने और बीट क्षेत्र की गतिविधियों, संदिग्ध व्यक्तियों व जनसमस्याओं का डिजिटल रिकॉर्ड रखने हेतु निर्देश।

गोण्डा पुलिस की उपलब्धियाँ (01 जनवरी 2026 – 28 फरवरी 2026):

गैंगस्टर एक्ट के तहत 20 अभियुक्तों के विरुद्ध 05 अभियोग पंजीकृत।
धारा 14(1) के तहत ₹52,44,689/- की संपत्ति जब्त।
25 अभियुक्तों पर गुण्डा एक्ट के तहत जिलाबदर की कार्यवाही।
"ऑपरेशन कनविक्शन" के तहत 82 अभियोगों में 142 अभियुक्तों को सजा:
03 अपराधियों को आजीवन कारावास
03 को 10 वर्ष से अधिक कारावास
07 को 5 वर्ष से अधिक कारावास
129 को 5 वर्ष से कम / अर्थदंड

इस अवसर पर अपर पुलिस अधीक्षक पूर्वी  मनोज कुमार रावत, अपर पुलिस अधीक्षक पश्चिमी राधेश्याम राय और समस्त क्षेत्राधिकारी उपस्थित रहे।

मुख्य संदेश: गोण्डा पुलिस अपराधियों की आर्थिक एवं आपराधिक गतिविधियों पर नियंत्रण और लंबित मामलों का शीघ्र निस्तारण सुनिश्चित कर रही है।
पंडित मुरलीधर चैरिटेबल ट्रस्ट द्वारा भगवान परशुराम की भव्य प्रतिमा स्थापित
जौनपुर। जनपद में बहुप्रतीक्षित आराध्य भगवान परशुरामजी की भव्य प्रतिमा की स्थापना कर दी गई है। यह प्रतिमा पूर्व में तय स्थल राष्ट्रीय राजमार्ग 731 के बाईपास ग्राम कुल्हनामऊ तहसील सदर में लगी है। जयपुर से ट्रक द्वारा लाई गई इस प्रतिमा को गुरुवार को श्री हनुमान जन्मोत्सव के दिन कुशल इंजीनियरों और वास्तुकारों ने अपने निर्देशन में स्थापित कर दिया है। इस मूर्ति स्थापना में अपना सम्पूर्ण सहयोग देने वाले पंडित मुरलीधर चैरिटेबल ट्रस्ट के ट्रस्टी उद्योगपति प्रमोद पाठक ने बताया भगवान श्री परशुराम के मूर्ति स्थापना के प्रेरक और सूत्रधार बदलापुर के लोकप्रिय विधायक रमेश चंद्र मिश्र ने मूर्ति स्थापना के पूर्व मूर्ति के आधार स्तम्भ की विधिपूर्वक पूजन अर्चन किया। उन्होंने आराध्य भगवान श्री परशुराम के मूर्ति के पद पर तिलक लगाकर पुष्पहार अर्पण कर विधिवत पूजन करने बाद जयघोष के साथ मूर्ति को स्थापित कर दिया। मूर्ति को आधार स्तम्भ पर स्थापित करने के बाद भगवा रंग के कपड़े से ढक दिया गया है।
मूर्ति का 19 अप्रैल अक्षय तृतीया को परशुराम जन्मोत्सव पर 51 बटुक ब्राह्मणों द्वारा वैदिक विधि विधान से पूजन अर्चन के बाद मूर्ति को आम दर्शन हेतु खोल दिया जाएगा। इसका भव्य लोकार्पण समारोह बाद में तय तिथि पर किया जाएगा।
श्री पाठक ने इस पुनीत कार्य की अनुमति के लिए देश के सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री माननीय नितिन गडकरी जी और प्रदेश के मुख्यमंत्री माननीय श्री योगी आदित्यनाथ जी को विशेष रूप से आभार प्रकट किया। इसके साथ ही इस भव्य मूर्ति को स्थापित करने के लिए विशेष रूप से प्रयास करने वाले बदलापुर के लोकप्रिय विधायक माननीय श्री रमेशचंद्र मिश्र प्रति सादर आभार जताया है। मूर्ति स्थापना में अपना सहयोग देने वाले पंडित मुरलीधर चैरिटेबल ट्रस्ट के तरफ से मूर्ति स्थापना कार्य के लिए विशेष सहयोगी राज्यसभा सांसद श्रीमती सीमा द्विवेदी के प्रति भी धन्यवाद ज्ञापित किया गया है।
हनुमान जन्मोत्सव पर सुंदरकांड पाठ के साथ भजन-कीर्तन सम्पन्न
ठाणे । नारायण समाज सेवा समिति डोंबिवली के तत्वावधान में गुरुवार 2 अप्रैल 2026 को राम मंदिर रोड हनुमान मंदिर पुरानी डोंबिवली पश्चिम स्थित जानकी नंदन पवन पुत्र हनुमान जी का जन्मोत्सव मनाया गया।हनुमान जयंती के शुभ अवसर पर रामचरितमानस के सुंदरकांड का पाठ संगीत बद्ध हुआ तत्पश्चात पुरुष एवं महिला भक्तों ने भक्ति गीतों व श्री राम जी एवं हनुमान जी के गुणगानों को गाते हुए जयकारा लगाया जहां संपूर्ण वातावरण भक्तिमय हो गया। आरती हवन पूजन के साथ प्रसाद का आनंद सभी भक्तों ने लिया।उक्त आयोजन में उपस्थित सभी भक्तों का सम्मान रामनामी अंगवस्त्र एवं श्रीराम, सीता मैया,लखन एवं हनुमान जी की प्रतिमा स्वरूप फोटो फ्रेम देकर किया गया।उक्त कार्यक्रम में विशेष उपस्थिति गायत्री परिवार डोंबिवली की श्रीमती संध्या पाटील डोंबिवलीकर,कवि एवं पत्रकार विनय शर्मा दीप सह पत्नी श्रीमती रेनु शर्मा, सरिता कमलेश सेठ,मनोज शिव तिवारी की रही।उक्त कार्यक्रम का आयोजन नंदलाल चौबे, सुरेश मिश्रा,मुरारी हजारी लाल गुप्ता,आनंद गुप्ता,नंदु गुप्ता, स्वतंत्र शुक्ला, अशोक तिवारी, शशिभूषण दुबे,गौरव दुबे, कामता प्रसाद गुप्ता, सोनू गुप्ता, बबीता गुप्ता,रुबी सिंह, अनीता देवी, मुन्नी गुप्ता, अशोक दुबे, अखिलेश तिवारी, गदाधर दुबे, सुशील शुक्ला, नरेंद्र सिंह, चंचल सिंह, प्रमोद दुबे,अरविंद कन्नौजिया, संदीप मिश्रा, रजनीकांत मिश्र एवं श्यामधर दुबे के सहयोग से किया गया।
कुशीनगर बौद्ध कॉन्क्लेव 2026 में 3,000 करोड़ निवेश की संभावना, वैश्विक स्तर पर बढ़ी पहचान
* 2300 से अधिक प्रतिनिधियों और 300 विदेशी मेहमानों की भागीदारी, पर्यटन को मिलेगा नया आयाम

लखनऊ/ कुशीनगर । कुशीनगर में आयोजित इंटरनेशनल बौद्ध कॉन्क्लेव 2026 का समापन व्यापक भागीदारी और बड़े निवेश की संभावनाओं के साथ हुआ। तीन दिवसीय इस आयोजन ने उत्तर प्रदेश को वैश्विक बौद्ध पर्यटन के प्रमुख केंद्र के रूप में स्थापित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बढ़ाया।
भगवान बुद्ध के महापरिनिर्वाण स्थल पर आयोजित इस कॉन्क्लेव में 2,300 से अधिक श्रद्धालु एवं पर्यटक शामिल हुए। इनमें 2,000 से अधिक भिक्षु, विद्वान, नीति-निर्माता और विभिन्न क्षेत्रों के विशेषज्ञ शामिल थे, जबकि 300 से अधिक विदेशी मेहमान थाईलैंड, जापान, म्यांमार, भूटान और नेपाल जैसे देशों से पहुंचे।
कॉन्क्लेव के दौरान पर्यटन से जुड़े क्षेत्रों में लगभग 3,000 करोड़ रुपये के निवेश की संभावनाएं सामने आईं। होटल एवं रिजॉर्ट कंपनियों, रियल एस्टेट डेवलपर्स, बायो-सीएनजी और फूड प्रोसेसिंग उद्योगों ने कुशीनगर में निवेश को लेकर गहरी रुचि दिखाई। साथ ही, दो नए टाउनशिप विकसित करने की योजना पर भी विचार किया गया, जिससे क्षेत्रीय विकास को गति मिलने की उम्मीद है।
इस दौरान इस बात पर विशेष जोर दिया गया कि बौद्ध पर्यटन को केवल तीर्थयात्रा तक सीमित न रखकर इसे सांस्कृतिक आदान-प्रदान, स्थानीय व्यापार और सतत विकास से जोड़ा जाए। कुशीनगर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे की बेहतर कनेक्टिविटी और सुविधाओं को भी प्रमुखता से प्रस्तुत किया गया, जिससे विदेशी पर्यटकों की संख्या में वृद्धि की संभावना है।
पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश सरकार के प्रयासों से कुशीनगर अब आस्था के साथ-साथ निवेश का भी प्रमुख केंद्र बन रहा है। उन्होंने बताया कि इस आयोजन से प्राप्त निवेश प्रस्ताव पर्यटन, होटल, परिवहन और इंफ्रास्ट्रक्चर क्षेत्रों में तेजी लाएंगे और स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे।
अपर मुख्य सचिव, पर्यटन, संस्कृति एवं धार्मिक कार्य विभाग अमृत अभिजात ने बताया कि प्रदेश का बौद्ध सर्किट लगातार सशक्त हो रहा है। वर्ष 2025 में राज्य के छह प्रमुख बौद्ध स्थलों पर 82 लाख से अधिक पर्यटक पहुंचे, जो इसकी बढ़ती लोकप्रियता को दर्शाता है।
राज्य सरकार इन निवेश प्रस्तावों को जल्द अमल में लाने के लिए प्रतिबद्ध है, जिससे कुशीनगर के समग्र विकास को नई दिशा मिलेगी।
फ्यूचर आइकॉन्स कप में JCA XI की धमाकेदार जीत, NJS Telibagh को 114 रन से हराया

* करण सिंह की शानदार पारी और अजीत की घातक गेंदबाजी से टीम की मजबूत दावेदारी

लखनऊ। फ्यूचर आइकॉन्स 50 ओवर कप सीजन-1 के तीसरे मुकाबले में JCA XI ने शानदार प्रदर्शन करते हुए NJS Telibagh को 114 रन से हराकर बड़ी जीत दर्ज की।
पहले बल्लेबाजी करते हुए JCA XI ने निर्धारित 50 ओवरों में 307 रनों का विशाल स्कोर खड़ा किया। टीम की ओर से करण सिंह ने 83 रनों की बेहतरीन पारी खेली, जबकि आशुतोष (51) और प्रिंस पटेल (67) ने भी महत्वपूर्ण योगदान देकर टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचाया।
जवाब में लक्ष्य का पीछा करने उतरी NJS Telibagh की टीम 193 रनों पर सिमट गई। टीम की ओर से अमन सिंह ने 53 रन बनाकर संघर्ष किया, जबकि वंश सिंह ने 28 रनों का योगदान दिया, लेकिन अन्य बल्लेबाज टिक नहीं सके।
JCA XI के गेंदबाजों ने पूरे मैच में दबदबा बनाए रखा। खासकर अजीत ने शानदार गेंदबाजी करते हुए 4 विकेट झटके और विपक्षी टीम की कमर तोड़ दी। करण सिंह को उनके बेहतरीन प्रदर्शन के लिए ‘मैन ऑफ द मैच’ चुना गया। इस जीत के साथ JCA XI ने टूर्नामेंट में अपनी मजबूत दावेदारी पेश कर दी है।
मालदा का मास्टरमाइंड गिरफ्तार, न्यायिक अधिकारियों को बंधक बनाने वाले मोफक्करुल इस्लाम समेत 35 पर शिकंजा

#mastermindofmaldasiegeofjudicialofficersarrested35_people

पश्चिम बंगाल के मालदा (कालियाचक) में न्यायिक अधिकारियों को बंधक बनाने और हिंसा भड़काने के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। इस पूरे कांड के मास्टरमाइंड माने जा रहे एडवोकेट मोफक्कारुल इस्लाम को बंगाल सीआईडी ने गिरफ्तार कर लिया है। जानकारी के मुताबिक, मोफक्कारुल इस्लाम राज्य छोड़कर भागने की फिराक में था।

अब तक 35 लोग गिरफ्तार

सुप्रीम कोर्ट के संज्ञान और पूरा मामला एनआईए को रेफर होने के बाद पुलिस ने मुख्य आरोपी को अरेस्ट कर लिया है। मालदा घटना पर उत्तरी बंगाल के एडीजी के. जयरामन के अनुसार अब तक 35 लोगों को गिरफ्तार किया है। इस हिंसा में 19 मामले दर्ज किए हैं। उन्होंने बताया कि हिंसा भड़काने वाले मुख्य आरोपी मोफक्करुल इस्लाम को अरेस्ट किया गया है। जयरामन के अनुसार वह एक वकील लगता है। हम जांच कर रहे हैं कि बचाव कार्य में देरी क्यों हुई। फिर हम एक रिपोर्ट सौंपेंगे।

एआईएमआईएम का नेता बताया जा रहा मोफक्करुल

आरोपी मोफक्करुल इस्लाम कालियाचक की घटना का मुख्य साजिशकर्ता है। बुधवार रात हुई इस घटना में सात न्यायिक अधिकारियों को बीडीओ कार्यालय के अंदर कई घंटों तक बंधक बनाकर रखा गया था। वकील मोफक्करुल इस्लाम ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) का नेता बताया जा रहा है। मालदा में हुए विरोध प्रदर्शनों का नेतृत्व करने के आरोप में उसे गिरफ्तार किया गया है।

न्यायिक अधिकारियों को क्यों बनाया गया बंधक?

पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनावों से पहले चुनाव आयोग द्वारा किए जा रहा मतदाता सूची की विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) प्रक्रिया एक बड़ा मुद्दा बन गई है। एसआईआर प्रक्रिया के बाद अंतिम मतदाता सूची में 63 लाख से अधिक नाम हटाए गए, जबकि 60 लाख अन्य मतदाताओं को विचाराधीन रखा गया। न्यायिक अधिकारियों को इन मामलों की समीक्षा करने का कार्य सौंपा गया था। सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के अनुसार ये न्यायिक अधिकारी इन मामलों की जांच कर मतदाताओं को मतदाता सूची में बरकरार रखने या हटाने का फैसला कर रहे थे। प्रदर्शनकारियों ने बुधवार को अधिकारियों के साथ बैठक का अनुरोध किया, जिसे अस्वीकार करने पर उन्होंने बीडीओ कार्यालय का घेराव कर तीन महिलाओं समेत सात अधिकारियों को बंधक बना लिया।

सुप्रीम कोर्ट ने मालदा हिंसा को बताया सोची-समझी साजिश

सुप्रीम कोर्ट ने मालदा हिंसा को इसे एक सोची-समझी साजिश बताया और न्यायिक अधिकारियों की सुरक्षा के लिए केंद्रीय बलों की तैनाती का आदेश दिया। सीजेआई सूर्यकांत रात दो बजे तक इस घटना के बाद जागते रहे थे। चुनाव आयोग ने अदालत के निर्देश पर जांच NIA (राष्ट्रीय जांच एजेंसी) को सौंप दी है। बंगाल चुनाव 2026 के मद्देनजर इस घटना ने राजनीतिक तूल पकड़ लिया है, जहां बीजेपी इसे कानून-व्यवस्था की विफलता बता रही है, वहीं मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने इसे राज्य में राष्ट्रपति शासन लगाने की एक साजिश करार दिया है।

पुरातत्व के क्षेत्र में स्टार्टअप्स को इंक्यूबेशन सेंटर्स स्थापित कर प्रोत्साहित किया जाना चाहिए: मदन कुमार

भोपाल। प्रदेश की हजारों–लाखों वर्ष पुरानी स्मृतियों को यदि भौतिक रूप में सुरक्षित रखना है और अब तक हुई क्षति को न्यूनतम संभव स्तर तक लाना है, तो इस क्षेत्र में स्टार्टअप्स को इंक्यूबेशन सेंटर्स स्थापित कर प्रोत्साहित करना समय की माँग है।

यह बात आयुक्त, पुरातत्व, अभिलेखागार एवं संग्रहालय मदन कुमार ने डॉ. विष्णु श्रीधर वाकणकर पुरातत्व शोध संस्थान द्वारा आयोजित पद्मश्री डॉ. विष्णु श्रीधर वाकणकर की पुण्यतिथि के उपलक्ष्य में व्याख्यानमाला में कही। मदन कुमार ने संस्थान में इंक्युवेशन सेंटर की स्थापना में उपस्थित लोगों से नवोन्मेषी विचारों को प्रेषित कर भागीदारी करने का आह्वान किया। 

कार्यक्रम में नारायण व्यास, कैलाश चंद्र पाण्डे (मंदसौर), डॉ. मनोज कुमार कुर्मी (अधीक्षण पुरातत्वविद्, भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण), डॉ. सुरेश कुमार दुबे (झांसी) आदि अतिथि के रूप में मौजूद थे। वक्ताओं ने पुरातत्व के क्षेत्र में डॉ. वाकणकर जी के योगदान को रेखांकित किया।

उन्होंने बताया कि मंदसौर जिले में स्थित छिब्बर नाला, दरकी चट्टान, चतुर्भज नाला के शैलचित्रों को प्रकाश में लाने का श्रेय वाकणकर जी को है। इस दौरान वाकणकर जी के समक्ष आई चुनौतियों एवं समाधान प्रयासों का उल्लेख भी किया गया। इस दौरान बताया गया कि वाकणकर जी द्वारा अपनी नागपुर यात्रा के दौरान 23 मार्च 1957 को अपनी यात्रा स्थगित कर भीमबैटका के शैलचित्रों की खोज की गई, जिसे कालंतर में विश्वधरोहर घोषित किया गया। इसी खोज के आधार पर उन्हें भारत सरकार से 1975 में पद्मश्री सम्मान मिला।

अपने अध्यक्षीय संबोधन में आयुक्त पुरातत्व द्वारा प्रदेश की पुरासंपदा को रेखांकित करते हुए डिंडौरी एवं उमरिया जिलों की शैलगुहओं मटकें वाला पत्थर, डाईनासौर के जीवाष्म एवं घुघुआ फॉसिल पार्क का उल्लेख किया गया। उन्होंने कहा कि द मोनूमेंट मन फिल्म के ट्रैलर के माध्यम से फिल्म के नायकों जैसे पुरातत्व के प्रति जागरुकता लाने पर जोर दिया। यह भी अवगत कराया गया कि यूनेस्को द्वारा एआरवीआर प्रोजेक्ट चालू किया गया। आधुनिक परिवेश में प्रदेश की पुरावशेषों एवं संस्कृतिक धरोहरों को प्रकाश में लाने एवं उनके प्रति जनजागृति लाने तथा अध्ययन के लिये विभिन्न योजना तैयार कर डॉ. वाकणकर शोध संस्थान को नोडल संस्थान के रुप में विकसित करने एवं शोध कार्यों को बढ़ावा देने के मंतव्य से अवगत कराया। 

सम्मान सत्र भी हुआ

इस अवसर पर आयुक्त पुरातत्व द्वारा डॉ. नारायण व्यास को पद्मश्री प्राप्त होने पर एवं कैलाशचंद्र पाण्डे को पुरातत्व के क्षेत्र में दिए गए योगदान हेतु सम्मानित किया गया। साथ ही वाकणकर जी की शिष्य परम्परा में राजेन्द्र नागदेव, डॉ. रेखा भटनागर व अन्य विद्वानो का भी सम्मान किया गया। इस अवसर पर अतिथियों द्वारा कला समय पत्रिका विशेषांक का विमोचन भी किया गया।

मैट्रिक और इंटर में सफल मेधावी छात्रों को किया सम्मानित
मैट्रिक और इंटर में सफल मेधावी छात्रों को किया सम्मानित आमस प्रखंड के अकौना गांव में संचालित नौशाद कोचिंग सेंटर में छात्र-छात्राओं के लिए शुक्रवार को सम्मान का आयोजन किया गया। जहां मैट्रिक और इंटरमीडिएट में शानदार सफलता हासिल करने वाले 82 छात्रों को मेडल और सर्टिफिकेट देकर सम्मानित किया गया। कोचिंग के डायरेक्टर नौशाद आलम ने बताया की मैट्रिक में 48 और इंटरमीडिएट में 34 बच्चों ने अच्छे अंकों के साथ परीक्षा पास किया है। इनके हौसला अफ़ज़ाई में एक समारोह का आयोजन किया गया। अतिथि के रूप में शामिल सिफार संस्था के शिकोह अलबदर और मुस्कान फाउंडेशन के फाउंडर इमरोज़ अली ने होनहार छात्रों को सम्बोधित करते हुए उनका मनोबल बढ़ाया और आगे की पढ़ाई जारी रख अपने मंज़िल को प्राप्त करने की सलाह दी। कहा जो अच्छे संस्कार के साथ शिक्षा हासिल करते है उसे कामयाबी अवश्य मिलती है। मौके पर छात्र नासीर, इरशाद, ज़ैद, श्रवण, रंधीर, आदित्या, धीरज, छात्रा कुसुम, भारती, सुम्बुल, अफसाँ, नीतू, रहनुमा, फ़िज़ा आदि उपस्थित थे।


रिपोर्टर:- धनंजय कुमार यादव
खनन राजस्व में रिकॉर्ड बढ़ोतरी, मार्च में 780 करोड़ की प्राप्ति

* 7150 करोड़ के वार्षिक लक्ष्य पर फोकस, अवैध खनन पर जीरो टॉलरेंस नीति सख्त

लखनऊ। उत्तर प्रदेश के भूतत्त्व एवं खनिकर्म विभाग ने खनन राजस्व में उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज करते हुए मार्च माह में तय लक्ष्य से कहीं अधिक राजस्व प्राप्त किया है। विभाग की सचिव एवं निदेशक श्रीमती माला श्रीवास्तव के अनुसार, 600 करोड़ रुपये के लक्ष्य के सापेक्ष 780 करोड़ रुपये से अधिक राजस्व अर्जित किया गया, जो पिछले वर्ष की तुलना में बड़ी उपलब्धि है।
उन्होंने बताया कि वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए 7150 करोड़ रुपये का महत्वाकांक्षी लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए विभाग ने रणनीतिक कार्ययोजना तैयार करते हुए सभी जनपदीय और क्षेत्रीय अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि राजस्व प्राप्ति सर्वोच्च प्राथमिकता पर सुनिश्चित की जाए।
श्रीमती श्रीवास्तव ने कहा कि अवैध खनन, अवैध परिवहन और ओवरलोडिंग पर स्रोत स्तर से ही प्रभावी नियंत्रण के निर्देश दिए गए हैं। इसके लिए IoT आधारित RFID चेकगेट्स और वाहन ट्रैकिंग सिस्टम का व्यापक उपयोग किया जा रहा है। प्रदेश में 40,000 से अधिक वाहनों में लोकेशन ट्रैकिंग डिवाइस लगाए गए हैं, जिससे खनिज परिवहन की लाइव मॉनिटरिंग संभव हो रही है।
इसके साथ ही Photo Geology एवं Remote Sensing (PGRS) तकनीक के माध्यम से सैटेलाइट इमेजरी का उपयोग कर नए खनन क्षेत्रों की पहचान और मौजूदा क्षेत्रों की निगरानी की जा रही है। इससे अवैध गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित हुआ है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि जीरो टॉलरेंस नीति के तहत अवैध खनन और संबंधित गतिविधियों पर कड़ी कार्रवाई जारी रहेगी। विभागीय अधिकारियों को नियमित छापेमारी अभियान चलाने, राजस्व वसूली की सतत समीक्षा करने और ई-गवर्नेंस के जरिए पारदर्शिता बढ़ाने के निर्देश दिए गए हैं।
श्रीमती माला श्रीवास्तव ने कहा कि आधुनिक तकनीक, सख्त निगरानी और समन्वित प्रयासों के चलते न केवल अवैध गतिविधियों पर अंकुश लगा है, बल्कि राजस्व वृद्धि के नए आयाम भी स्थापित हुए हैं। उन्होंने अधिकारियों से आह्वान किया कि पूर्ण पारदर्शिता और जिम्मेदारी के साथ कार्य करते हुए निर्धारित लक्ष्य को समयबद्ध रूप से हासिल करें, जिससे प्रदेश के विकास कार्यों को और गति मिल सके।
वाराणसी से “स्कूल चलो अभियान-2026” का शुभारंभ करेंगे सीएम योगी आदित्यनाथ
* शत-प्रतिशत नामांकन और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पर जोर, दो चरणों में चलेगा अभियान

लखनऊ/वाराणसी।
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ शनिवार को वाराणसी स्थित कंपोजिट विद्यालय, शिवपुर से नए शैक्षिक सत्र 2026-27 के लिए “स्कूल चलो अभियान-2026” का भव्य शुभारंभ करेंगे। कार्यक्रम का आयोजन सुबह 9:30 बजे होगा, जिसका सीधा प्रसारण दूरदर्शन और मुख्यमंत्री के सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर किया जाएगा।
बेसिक शिक्षा राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) संदीप सिंह ने अभियान के महत्व को रेखांकित करते हुए कहा कि यह केवल एक सरकारी कार्यक्रम नहीं, बल्कि प्रदेश के भविष्य को संवारने का संकल्प है। उन्होंने बताया कि लक्ष्य है कि कोई भी बच्चा शिक्षा से वंचित न रहे और शत-प्रतिशत नामांकन सुनिश्चित किया जाए। इसके लिए अधिकारियों को घर-घर जाकर अभिभावकों को जागरूक करने के निर्देश दिए गए हैं।
महानिदेशक, स्कूल शिक्षा मोनिका रानी के अनुसार यह अभियान दो चरणों में संचालित होगा। पहला चरण 1 अप्रैल से 15 अप्रैल तक और दूसरा चरण 1 जुलाई से 15 जुलाई तक चलेगा। इस दौरान नामांकन बढ़ाने, निशुल्क पाठ्य-पुस्तकों, यूनिफॉर्म और बैग वितरण के साथ-साथ व्यापक जन-जागरूकता अभियान चलाया जाएगा।
विद्यालयों में सांस्कृतिक कार्यक्रम, रैलियां और जनप्रतिनिधियों के संबोधन के माध्यम से शिक्षा के प्रति सकारात्मक वातावरण बनाया जाएगा। साथ ही, नामांकन प्रक्रिया में पारदर्शिता और डीबीटी के माध्यम से मिलने वाली सुविधाओं का समय पर लाभ सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं।
मुख्य कार्यक्रम के समानांतर प्रदेश के सभी जिलों में जिलाधिकारियों की अध्यक्षता में विशेष आयोजन होंगे, जिनमें जनप्रतिनिधियों, अभिभावकों और प्रबुद्ध वर्ग की भागीदारी सुनिश्चित की जाएगी। अभियान के समापन पर रैलियों और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के जरिए शिक्षा के प्रति जागरूकता का संदेश दिया जाएगा।
गोण्डा पुलिस की समीक्षा गोष्ठी: लंबित अभियोगों का निस्तारण और अपराधियों पर कड़ा नियंत्रण

गोण्डा। पुलिस अधीक्षक गोण्डा  विनीत जायसवाल ने शुक्रवार को कैम्प कार्यालय में जनपद के समस्त राजपत्रित अधिकारियों के साथ समीक्षा गोष्ठी आयोजित की। गोष्ठी में लंबित अभियोगों की विवेचना, जांच प्रार्थना पत्रों की स्थिति, प्रारंभिक जांच और पेशेवर अपराधियों पर कार्रवाई की विस्तृत समीक्षा की गई।

मुख्य निर्देश और समीक्षा

लंबित विवेचनाओं, विशेषकर अनवारित अभियोगों को जल्द निस्तारित करने के निर्देश।
इनामी और जिलाबदर अभियुक्तों की जानकारी ली गई और गैंगस्टर प्रकरणों में धारा 14(1) के तहत संपत्ति जब्ती की समीक्षा की गई।
पेशेवर अपराधियों को चिन्हित कर अधिक से अधिक गैंग रजिस्ट्रेशन हेतु निर्देश।
"ऑपरेशन कनविक्शन" के अंतर्गत चिन्हित वाद/मुकदमों की समीक्षा और नए मुकदमों की पहचान।
वाहन चोरी/नकबजनी के हॉटस्पॉट की पहचान कर रात्रि गश्त प्रभावी बनाने, प्रमुख चौराहों और संवेदनशील क्षेत्रों पर बैरियर लगवाने का निर्देश।
पीड़ितों की समस्याओं का तत्काल निस्तारण और सहानुभूतिपूर्ण सुनवाई सुनिश्चित करने हेतु सभी अधिकारियों को निर्देश।
धारा 107 BNSS के अंतर्गत अपराध से अर्जित अवैध संपत्ति के विरुद्ध प्रभावी कार्यवाही सुनिश्चित करने का निर्देश।
यक्ष ऐप का उपयोग अधिक से अधिक अभियोगों में करने और बीट क्षेत्र की गतिविधियों, संदिग्ध व्यक्तियों व जनसमस्याओं का डिजिटल रिकॉर्ड रखने हेतु निर्देश।

गोण्डा पुलिस की उपलब्धियाँ (01 जनवरी 2026 – 28 फरवरी 2026):

गैंगस्टर एक्ट के तहत 20 अभियुक्तों के विरुद्ध 05 अभियोग पंजीकृत।
धारा 14(1) के तहत ₹52,44,689/- की संपत्ति जब्त।
25 अभियुक्तों पर गुण्डा एक्ट के तहत जिलाबदर की कार्यवाही।
"ऑपरेशन कनविक्शन" के तहत 82 अभियोगों में 142 अभियुक्तों को सजा:
03 अपराधियों को आजीवन कारावास
03 को 10 वर्ष से अधिक कारावास
07 को 5 वर्ष से अधिक कारावास
129 को 5 वर्ष से कम / अर्थदंड

इस अवसर पर अपर पुलिस अधीक्षक पूर्वी  मनोज कुमार रावत, अपर पुलिस अधीक्षक पश्चिमी राधेश्याम राय और समस्त क्षेत्राधिकारी उपस्थित रहे।

मुख्य संदेश: गोण्डा पुलिस अपराधियों की आर्थिक एवं आपराधिक गतिविधियों पर नियंत्रण और लंबित मामलों का शीघ्र निस्तारण सुनिश्चित कर रही है।
पंडित मुरलीधर चैरिटेबल ट्रस्ट द्वारा भगवान परशुराम की भव्य प्रतिमा स्थापित
जौनपुर। जनपद में बहुप्रतीक्षित आराध्य भगवान परशुरामजी की भव्य प्रतिमा की स्थापना कर दी गई है। यह प्रतिमा पूर्व में तय स्थल राष्ट्रीय राजमार्ग 731 के बाईपास ग्राम कुल्हनामऊ तहसील सदर में लगी है। जयपुर से ट्रक द्वारा लाई गई इस प्रतिमा को गुरुवार को श्री हनुमान जन्मोत्सव के दिन कुशल इंजीनियरों और वास्तुकारों ने अपने निर्देशन में स्थापित कर दिया है। इस मूर्ति स्थापना में अपना सम्पूर्ण सहयोग देने वाले पंडित मुरलीधर चैरिटेबल ट्रस्ट के ट्रस्टी उद्योगपति प्रमोद पाठक ने बताया भगवान श्री परशुराम के मूर्ति स्थापना के प्रेरक और सूत्रधार बदलापुर के लोकप्रिय विधायक रमेश चंद्र मिश्र ने मूर्ति स्थापना के पूर्व मूर्ति के आधार स्तम्भ की विधिपूर्वक पूजन अर्चन किया। उन्होंने आराध्य भगवान श्री परशुराम के मूर्ति के पद पर तिलक लगाकर पुष्पहार अर्पण कर विधिवत पूजन करने बाद जयघोष के साथ मूर्ति को स्थापित कर दिया। मूर्ति को आधार स्तम्भ पर स्थापित करने के बाद भगवा रंग के कपड़े से ढक दिया गया है।
मूर्ति का 19 अप्रैल अक्षय तृतीया को परशुराम जन्मोत्सव पर 51 बटुक ब्राह्मणों द्वारा वैदिक विधि विधान से पूजन अर्चन के बाद मूर्ति को आम दर्शन हेतु खोल दिया जाएगा। इसका भव्य लोकार्पण समारोह बाद में तय तिथि पर किया जाएगा।
श्री पाठक ने इस पुनीत कार्य की अनुमति के लिए देश के सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री माननीय नितिन गडकरी जी और प्रदेश के मुख्यमंत्री माननीय श्री योगी आदित्यनाथ जी को विशेष रूप से आभार प्रकट किया। इसके साथ ही इस भव्य मूर्ति को स्थापित करने के लिए विशेष रूप से प्रयास करने वाले बदलापुर के लोकप्रिय विधायक माननीय श्री रमेशचंद्र मिश्र प्रति सादर आभार जताया है। मूर्ति स्थापना में अपना सहयोग देने वाले पंडित मुरलीधर चैरिटेबल ट्रस्ट के तरफ से मूर्ति स्थापना कार्य के लिए विशेष सहयोगी राज्यसभा सांसद श्रीमती सीमा द्विवेदी के प्रति भी धन्यवाद ज्ञापित किया गया है।
हनुमान जन्मोत्सव पर सुंदरकांड पाठ के साथ भजन-कीर्तन सम्पन्न
ठाणे । नारायण समाज सेवा समिति डोंबिवली के तत्वावधान में गुरुवार 2 अप्रैल 2026 को राम मंदिर रोड हनुमान मंदिर पुरानी डोंबिवली पश्चिम स्थित जानकी नंदन पवन पुत्र हनुमान जी का जन्मोत्सव मनाया गया।हनुमान जयंती के शुभ अवसर पर रामचरितमानस के सुंदरकांड का पाठ संगीत बद्ध हुआ तत्पश्चात पुरुष एवं महिला भक्तों ने भक्ति गीतों व श्री राम जी एवं हनुमान जी के गुणगानों को गाते हुए जयकारा लगाया जहां संपूर्ण वातावरण भक्तिमय हो गया। आरती हवन पूजन के साथ प्रसाद का आनंद सभी भक्तों ने लिया।उक्त आयोजन में उपस्थित सभी भक्तों का सम्मान रामनामी अंगवस्त्र एवं श्रीराम, सीता मैया,लखन एवं हनुमान जी की प्रतिमा स्वरूप फोटो फ्रेम देकर किया गया।उक्त कार्यक्रम में विशेष उपस्थिति गायत्री परिवार डोंबिवली की श्रीमती संध्या पाटील डोंबिवलीकर,कवि एवं पत्रकार विनय शर्मा दीप सह पत्नी श्रीमती रेनु शर्मा, सरिता कमलेश सेठ,मनोज शिव तिवारी की रही।उक्त कार्यक्रम का आयोजन नंदलाल चौबे, सुरेश मिश्रा,मुरारी हजारी लाल गुप्ता,आनंद गुप्ता,नंदु गुप्ता, स्वतंत्र शुक्ला, अशोक तिवारी, शशिभूषण दुबे,गौरव दुबे, कामता प्रसाद गुप्ता, सोनू गुप्ता, बबीता गुप्ता,रुबी सिंह, अनीता देवी, मुन्नी गुप्ता, अशोक दुबे, अखिलेश तिवारी, गदाधर दुबे, सुशील शुक्ला, नरेंद्र सिंह, चंचल सिंह, प्रमोद दुबे,अरविंद कन्नौजिया, संदीप मिश्रा, रजनीकांत मिश्र एवं श्यामधर दुबे के सहयोग से किया गया।
कुशीनगर बौद्ध कॉन्क्लेव 2026 में 3,000 करोड़ निवेश की संभावना, वैश्विक स्तर पर बढ़ी पहचान
* 2300 से अधिक प्रतिनिधियों और 300 विदेशी मेहमानों की भागीदारी, पर्यटन को मिलेगा नया आयाम

लखनऊ/ कुशीनगर । कुशीनगर में आयोजित इंटरनेशनल बौद्ध कॉन्क्लेव 2026 का समापन व्यापक भागीदारी और बड़े निवेश की संभावनाओं के साथ हुआ। तीन दिवसीय इस आयोजन ने उत्तर प्रदेश को वैश्विक बौद्ध पर्यटन के प्रमुख केंद्र के रूप में स्थापित करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बढ़ाया।
भगवान बुद्ध के महापरिनिर्वाण स्थल पर आयोजित इस कॉन्क्लेव में 2,300 से अधिक श्रद्धालु एवं पर्यटक शामिल हुए। इनमें 2,000 से अधिक भिक्षु, विद्वान, नीति-निर्माता और विभिन्न क्षेत्रों के विशेषज्ञ शामिल थे, जबकि 300 से अधिक विदेशी मेहमान थाईलैंड, जापान, म्यांमार, भूटान और नेपाल जैसे देशों से पहुंचे।
कॉन्क्लेव के दौरान पर्यटन से जुड़े क्षेत्रों में लगभग 3,000 करोड़ रुपये के निवेश की संभावनाएं सामने आईं। होटल एवं रिजॉर्ट कंपनियों, रियल एस्टेट डेवलपर्स, बायो-सीएनजी और फूड प्रोसेसिंग उद्योगों ने कुशीनगर में निवेश को लेकर गहरी रुचि दिखाई। साथ ही, दो नए टाउनशिप विकसित करने की योजना पर भी विचार किया गया, जिससे क्षेत्रीय विकास को गति मिलने की उम्मीद है।
इस दौरान इस बात पर विशेष जोर दिया गया कि बौद्ध पर्यटन को केवल तीर्थयात्रा तक सीमित न रखकर इसे सांस्कृतिक आदान-प्रदान, स्थानीय व्यापार और सतत विकास से जोड़ा जाए। कुशीनगर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे की बेहतर कनेक्टिविटी और सुविधाओं को भी प्रमुखता से प्रस्तुत किया गया, जिससे विदेशी पर्यटकों की संख्या में वृद्धि की संभावना है।
पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश सरकार के प्रयासों से कुशीनगर अब आस्था के साथ-साथ निवेश का भी प्रमुख केंद्र बन रहा है। उन्होंने बताया कि इस आयोजन से प्राप्त निवेश प्रस्ताव पर्यटन, होटल, परिवहन और इंफ्रास्ट्रक्चर क्षेत्रों में तेजी लाएंगे और स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे।
अपर मुख्य सचिव, पर्यटन, संस्कृति एवं धार्मिक कार्य विभाग अमृत अभिजात ने बताया कि प्रदेश का बौद्ध सर्किट लगातार सशक्त हो रहा है। वर्ष 2025 में राज्य के छह प्रमुख बौद्ध स्थलों पर 82 लाख से अधिक पर्यटक पहुंचे, जो इसकी बढ़ती लोकप्रियता को दर्शाता है।
राज्य सरकार इन निवेश प्रस्तावों को जल्द अमल में लाने के लिए प्रतिबद्ध है, जिससे कुशीनगर के समग्र विकास को नई दिशा मिलेगी।
फ्यूचर आइकॉन्स कप में JCA XI की धमाकेदार जीत, NJS Telibagh को 114 रन से हराया

* करण सिंह की शानदार पारी और अजीत की घातक गेंदबाजी से टीम की मजबूत दावेदारी

लखनऊ। फ्यूचर आइकॉन्स 50 ओवर कप सीजन-1 के तीसरे मुकाबले में JCA XI ने शानदार प्रदर्शन करते हुए NJS Telibagh को 114 रन से हराकर बड़ी जीत दर्ज की।
पहले बल्लेबाजी करते हुए JCA XI ने निर्धारित 50 ओवरों में 307 रनों का विशाल स्कोर खड़ा किया। टीम की ओर से करण सिंह ने 83 रनों की बेहतरीन पारी खेली, जबकि आशुतोष (51) और प्रिंस पटेल (67) ने भी महत्वपूर्ण योगदान देकर टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचाया।
जवाब में लक्ष्य का पीछा करने उतरी NJS Telibagh की टीम 193 रनों पर सिमट गई। टीम की ओर से अमन सिंह ने 53 रन बनाकर संघर्ष किया, जबकि वंश सिंह ने 28 रनों का योगदान दिया, लेकिन अन्य बल्लेबाज टिक नहीं सके।
JCA XI के गेंदबाजों ने पूरे मैच में दबदबा बनाए रखा। खासकर अजीत ने शानदार गेंदबाजी करते हुए 4 विकेट झटके और विपक्षी टीम की कमर तोड़ दी। करण सिंह को उनके बेहतरीन प्रदर्शन के लिए ‘मैन ऑफ द मैच’ चुना गया। इस जीत के साथ JCA XI ने टूर्नामेंट में अपनी मजबूत दावेदारी पेश कर दी है।
मालदा का मास्टरमाइंड गिरफ्तार, न्यायिक अधिकारियों को बंधक बनाने वाले मोफक्करुल इस्लाम समेत 35 पर शिकंजा

#mastermindofmaldasiegeofjudicialofficersarrested35_people

पश्चिम बंगाल के मालदा (कालियाचक) में न्यायिक अधिकारियों को बंधक बनाने और हिंसा भड़काने के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है। इस पूरे कांड के मास्टरमाइंड माने जा रहे एडवोकेट मोफक्कारुल इस्लाम को बंगाल सीआईडी ने गिरफ्तार कर लिया है। जानकारी के मुताबिक, मोफक्कारुल इस्लाम राज्य छोड़कर भागने की फिराक में था।

अब तक 35 लोग गिरफ्तार

सुप्रीम कोर्ट के संज्ञान और पूरा मामला एनआईए को रेफर होने के बाद पुलिस ने मुख्य आरोपी को अरेस्ट कर लिया है। मालदा घटना पर उत्तरी बंगाल के एडीजी के. जयरामन के अनुसार अब तक 35 लोगों को गिरफ्तार किया है। इस हिंसा में 19 मामले दर्ज किए हैं। उन्होंने बताया कि हिंसा भड़काने वाले मुख्य आरोपी मोफक्करुल इस्लाम को अरेस्ट किया गया है। जयरामन के अनुसार वह एक वकील लगता है। हम जांच कर रहे हैं कि बचाव कार्य में देरी क्यों हुई। फिर हम एक रिपोर्ट सौंपेंगे।

एआईएमआईएम का नेता बताया जा रहा मोफक्करुल

आरोपी मोफक्करुल इस्लाम कालियाचक की घटना का मुख्य साजिशकर्ता है। बुधवार रात हुई इस घटना में सात न्यायिक अधिकारियों को बीडीओ कार्यालय के अंदर कई घंटों तक बंधक बनाकर रखा गया था। वकील मोफक्करुल इस्लाम ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) का नेता बताया जा रहा है। मालदा में हुए विरोध प्रदर्शनों का नेतृत्व करने के आरोप में उसे गिरफ्तार किया गया है।

न्यायिक अधिकारियों को क्यों बनाया गया बंधक?

पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनावों से पहले चुनाव आयोग द्वारा किए जा रहा मतदाता सूची की विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) प्रक्रिया एक बड़ा मुद्दा बन गई है। एसआईआर प्रक्रिया के बाद अंतिम मतदाता सूची में 63 लाख से अधिक नाम हटाए गए, जबकि 60 लाख अन्य मतदाताओं को विचाराधीन रखा गया। न्यायिक अधिकारियों को इन मामलों की समीक्षा करने का कार्य सौंपा गया था। सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के अनुसार ये न्यायिक अधिकारी इन मामलों की जांच कर मतदाताओं को मतदाता सूची में बरकरार रखने या हटाने का फैसला कर रहे थे। प्रदर्शनकारियों ने बुधवार को अधिकारियों के साथ बैठक का अनुरोध किया, जिसे अस्वीकार करने पर उन्होंने बीडीओ कार्यालय का घेराव कर तीन महिलाओं समेत सात अधिकारियों को बंधक बना लिया।

सुप्रीम कोर्ट ने मालदा हिंसा को बताया सोची-समझी साजिश

सुप्रीम कोर्ट ने मालदा हिंसा को इसे एक सोची-समझी साजिश बताया और न्यायिक अधिकारियों की सुरक्षा के लिए केंद्रीय बलों की तैनाती का आदेश दिया। सीजेआई सूर्यकांत रात दो बजे तक इस घटना के बाद जागते रहे थे। चुनाव आयोग ने अदालत के निर्देश पर जांच NIA (राष्ट्रीय जांच एजेंसी) को सौंप दी है। बंगाल चुनाव 2026 के मद्देनजर इस घटना ने राजनीतिक तूल पकड़ लिया है, जहां बीजेपी इसे कानून-व्यवस्था की विफलता बता रही है, वहीं मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने इसे राज्य में राष्ट्रपति शासन लगाने की एक साजिश करार दिया है।

पुरातत्व के क्षेत्र में स्टार्टअप्स को इंक्यूबेशन सेंटर्स स्थापित कर प्रोत्साहित किया जाना चाहिए: मदन कुमार

भोपाल। प्रदेश की हजारों–लाखों वर्ष पुरानी स्मृतियों को यदि भौतिक रूप में सुरक्षित रखना है और अब तक हुई क्षति को न्यूनतम संभव स्तर तक लाना है, तो इस क्षेत्र में स्टार्टअप्स को इंक्यूबेशन सेंटर्स स्थापित कर प्रोत्साहित करना समय की माँग है।

यह बात आयुक्त, पुरातत्व, अभिलेखागार एवं संग्रहालय मदन कुमार ने डॉ. विष्णु श्रीधर वाकणकर पुरातत्व शोध संस्थान द्वारा आयोजित पद्मश्री डॉ. विष्णु श्रीधर वाकणकर की पुण्यतिथि के उपलक्ष्य में व्याख्यानमाला में कही। मदन कुमार ने संस्थान में इंक्युवेशन सेंटर की स्थापना में उपस्थित लोगों से नवोन्मेषी विचारों को प्रेषित कर भागीदारी करने का आह्वान किया। 

कार्यक्रम में नारायण व्यास, कैलाश चंद्र पाण्डे (मंदसौर), डॉ. मनोज कुमार कुर्मी (अधीक्षण पुरातत्वविद्, भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण), डॉ. सुरेश कुमार दुबे (झांसी) आदि अतिथि के रूप में मौजूद थे। वक्ताओं ने पुरातत्व के क्षेत्र में डॉ. वाकणकर जी के योगदान को रेखांकित किया।

उन्होंने बताया कि मंदसौर जिले में स्थित छिब्बर नाला, दरकी चट्टान, चतुर्भज नाला के शैलचित्रों को प्रकाश में लाने का श्रेय वाकणकर जी को है। इस दौरान वाकणकर जी के समक्ष आई चुनौतियों एवं समाधान प्रयासों का उल्लेख भी किया गया। इस दौरान बताया गया कि वाकणकर जी द्वारा अपनी नागपुर यात्रा के दौरान 23 मार्च 1957 को अपनी यात्रा स्थगित कर भीमबैटका के शैलचित्रों की खोज की गई, जिसे कालंतर में विश्वधरोहर घोषित किया गया। इसी खोज के आधार पर उन्हें भारत सरकार से 1975 में पद्मश्री सम्मान मिला।

अपने अध्यक्षीय संबोधन में आयुक्त पुरातत्व द्वारा प्रदेश की पुरासंपदा को रेखांकित करते हुए डिंडौरी एवं उमरिया जिलों की शैलगुहओं मटकें वाला पत्थर, डाईनासौर के जीवाष्म एवं घुघुआ फॉसिल पार्क का उल्लेख किया गया। उन्होंने कहा कि द मोनूमेंट मन फिल्म के ट्रैलर के माध्यम से फिल्म के नायकों जैसे पुरातत्व के प्रति जागरुकता लाने पर जोर दिया। यह भी अवगत कराया गया कि यूनेस्को द्वारा एआरवीआर प्रोजेक्ट चालू किया गया। आधुनिक परिवेश में प्रदेश की पुरावशेषों एवं संस्कृतिक धरोहरों को प्रकाश में लाने एवं उनके प्रति जनजागृति लाने तथा अध्ययन के लिये विभिन्न योजना तैयार कर डॉ. वाकणकर शोध संस्थान को नोडल संस्थान के रुप में विकसित करने एवं शोध कार्यों को बढ़ावा देने के मंतव्य से अवगत कराया। 

सम्मान सत्र भी हुआ

इस अवसर पर आयुक्त पुरातत्व द्वारा डॉ. नारायण व्यास को पद्मश्री प्राप्त होने पर एवं कैलाशचंद्र पाण्डे को पुरातत्व के क्षेत्र में दिए गए योगदान हेतु सम्मानित किया गया। साथ ही वाकणकर जी की शिष्य परम्परा में राजेन्द्र नागदेव, डॉ. रेखा भटनागर व अन्य विद्वानो का भी सम्मान किया गया। इस अवसर पर अतिथियों द्वारा कला समय पत्रिका विशेषांक का विमोचन भी किया गया।