विद्यालय जमीन घोटाला: हाईकोर्ट सख्त, सरकार से दो हफ्ते में मांगा जवाब*

वैदिक विद्या मंदिर विद्यालय की जमीन बिक्री और व्यावसायिक उपयोग के आरोप*

हाईकोर्ट सख्त, जमीन बिक्री और दुरुपयोग पर सरकार से जवाब तलब*

रितेश मिश्रा
हरदोई । वैदिक विद्या मंदिर उच्चतर माध्यमिक विद्यालय से जुड़े गंभीर आरोपों पर इलाहाबाद उच्च न्यायालय, लखनऊ खंडपीठ ने कड़ा रुख अपनाते हुए राज्य सरकार से जवाब तलब किया है। विद्यालय की भूमि के कथित अवैध विक्रय, संपत्ति के दुरुपयोग और परिसर में चल रही व्यावसायिक गतिविधियों को लेकर दायर जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए अदालत ने सरकार को दो सप्ताह के भीतर स्पष्ट स्थिति बताने का निर्देश दिया है।

यह आदेश जनहित याचिका संख्या 325/2026 पर सुनवाई के दौरान पारित किया गया, जिसे याची विजय कुमार पाण्डेय द्वारा दायर किया गया है। अदालत ने मामले की गंभीरता को देखते हुए इसे प्राथमिकता से सुनते हुए अगली सुनवाई की तिथि 28 अप्रैल निर्धारित की है।

आरोपों की प्रकृति: शिक्षा से व्यापार की ओर झुकाव
याचिका में आरोप लगाया गया है कि विद्यालय की गाटा संख्या 66, 67 और 68 की भूमि का अवैध रूप से विक्रय किया गया है। इसके साथ ही विद्यालय की संपत्ति का शैक्षिक उद्देश्यों के बजाय व्यावसायिक उपयोग किया जा रहा है। आरोप है कि विद्यालय परिसर में दुकानों का संचालन, निजी संस्थानों की गतिविधियां और अन्य व्यापारिक कार्य हो रहे हैं, जिससे शिक्षा का वातावरण प्रभावित हो रहा है।

याचिकाकर्ता ने यह भी कहा है कि इन गतिविधियों के चलते विद्यालय की मूल भावना और उद्देश्य पूरी तरह से प्रभावित हो रहे हैं। विद्यार्थियों के लिए बनाए गए शैक्षणिक माहौल में व्यवधान उत्पन्न हो रहा है, जो न केवल शिक्षा के अधिकार का उल्लंघन है बल्कि संस्थान के अस्तित्व पर भी प्रश्नचिह्न खड़ा करता है।

*न्यायालय की सख्त टिप्पणी*

मामले की सुनवाई न्यायमूर्ति आलोक माथुर और न्यायमूर्ति अमिताभ कुमार राय की खंडपीठ द्वारा की गई। अदालत ने प्रथम दृष्टया आरोपों को गंभीर मानते हुए राज्य सरकार से विस्तृत जवाब मांगा है। राज्य सरकार की ओर से उपस्थित स्थायी अधिवक्ता ने अदालत से अनुरोध किया कि उन्हें इस मामले में संबंधित विभागों से आवश्यक निर्देश प्राप्त करने के लिए समय दिया जाए। इस पर न्यायालय ने दो सप्ताह का समय देते हुए स्पष्ट किया कि अगली सुनवाई में सरकार को तथ्यों सहित अपनी स्थिति स्पष्ट करनी होगी।

*प्रबंधन पर मनमानी के आरोप*


याचिका में विद्यालय के प्रबंधन तंत्र पर भी गंभीर आरोप लगाए गए हैं। कहा गया है कि प्रबंधन द्वारा मनमाने तरीके से निर्णय लिए जा रहे हैं, जिससे संस्था की संपत्ति और संसाधनों का दुरुपयोग हो रहा है। यह भी आरोप है कि प्रबंधन ने नियमों की अनदेखी करते हुए विद्यालय की जमीन और परिसंपत्तियों का निजी लाभ के लिए उपयोग किया है। स्थानीय स्तर पर भी इस मुद्दे को लेकर लंबे समय से असंतोष बताया जा रहा है। अभिभावकों और क्षेत्रीय लोगों का कहना है कि विद्यालय की स्थिति लगातार खराब होती जा रही है और शिक्षा की गुणवत्ता प्रभावित हो रही है।

*सरकारी तंत्र की भूमिका पर सवाल*

इस पूरे प्रकरण में सरकारी तंत्र की निष्क्रियता पर भी सवाल उठाए गए हैं। याचिका में कहा गया है कि संबंधित अधिकारियों को इन गतिविधियों की जानकारी होने के बावजूद उन्होंने कोई ठोस कार्रवाई नहीं की। इससे यह संकेत मिलता है कि या तो लापरवाही बरती गई या फिर जानबूझकर मामले को नजरअंदाज किया गया। सूत्रों  का मानना है कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं की गई, तो यह मामला अन्य शैक्षणिक संस्थानों के लिए भी गलत उदाहरण बन सकता है। शिक्षा संस्थानों की संपत्ति का इस तरह से उपयोग शिक्षा व्यवस्था की विश्वसनीयता को प्रभावित करता है।

*शिक्षा पर पड़ता असर*

विद्यालय परिसर में व्यावसायिक गतिविधियों के संचालन से छात्रों के अध्ययन वातावरण पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की बात भी सामने आई है। कक्षाओं के आसपास दुकानों और अन्य गतिविधियों के चलते शोर-शराबा और अव्यवस्था की स्थिति बनती है, जिससे विद्यार्थियों का ध्यान भंग होता है। इसके अलावा, संस्थान के संसाधनों का सही उपयोग न होने से शैक्षिक सुविधाओं में भी कमी आ सकती है। ऐसे में छात्रों के भविष्य पर नकारात्मक असर पड़ना स्वाभाविक है।

*न्यायिक प्रक्रिया में अगला कदम*


अदालत ने स्पष्ट किया है कि यह मामला गंभीर प्रकृति का है और इससे शिक्षा व्यवस्था जुड़ी हुई है। इसलिए इसे हल्के में नहीं लिया जा सकता। दो सप्ताह के भीतर राज्य सरकार को अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत करनी होगी, जिसके आधार पर आगे की कार्रवाई तय की जाएगी। अगली सुनवाई 28 अप्रैल को निर्धारित की गई है, जिसमें यह देखा जाएगा कि सरकार ने क्या कदम उठाए हैं और क्या आरोपों में कोई सच्चाई पाई गई है।

*स्थानीय स्तर पर बढ़ी चिंता*

इस पूरे घटनाक्रम के बाद हरदोई क्षेत्र में चिंता का माहौल है। अभिभावक और स्थानीय नागरिक विद्यालय के भविष्य को लेकर चिंतित हैं। उनका कहना है कि यदि जल्द ही सुधारात्मक कदम नहीं उठाए गए, तो यह संस्थान पूरी तरह से खत्म होने की कगार पर पहुंच सकता है।
स्कूल चलो अभियान की भयावह विफलता: नौनिहालों का भविष्य धूंध में, बाल मजदूरी का दलदल गहराता जा रहा
बबलू प्रजापति पिहानी

पिहानी (हरदोई):सरकार ने ‘स्कूल चलो अभियान’ और जन जागरूकता योजनाओं को बड़ी उम्मीदों के साथ शुरू किया था, लेकिन पिहानी में आज यह अभियान पूरी तरह धराशायी हो चुका है। नौनिहाल जिनके हाथों में कलम होनी चाहिए, वे फावड़ा, ईंटें और चाय के जूठे गिलास उठाने पर मजबूर हैं। निर्माण स्थलों, ढाबों और होटल जैसे जगहों पर ये मासूम बच्चे काम कर रहे हैं, जबकि शिक्षा का अधिकार सिर्फ एक नाम बनकर रह गया है।
श्रम व शिक्षा विभाग की लापरवाही इस त्रासदी का मुख्य कारण है। अधिकारियों ने सिर्फ दिखावे के कार्यक्रम आयोजित किए, जबकि जमीनी स्तर पर कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। बाल मजदूरी की घटनाएं रोज सामने आ रही हैं, लेकिन कोई सख्त कार्रवाई नहीं हो रही। स्थानीय लोग आक्रोशित हैं और पूछ रहे हैं कि आखिर कब प्रशासन इस जघन्य अपराध पर लगाम लगाएगा। बच्चों का भविष्य दांव पर है, और अगर अभी जाग नहीं हुई, तो ये मासूम पीढ़ी कभी शिक्षा का उजाला नहीं देख पाएगी।बाल मजदूरी के दलदल में धकेले जा रहे हैं। सरकार के आदेशों के बावजूद, शिक्षा व श्रम विभाग केवल दिखावा कर रहे हैं, बच्चों का उज्ज्वल भविष्य अधर में लटका हुआ।क्षेत्र में सैकड़ों मासूम बच्चे आज भी बाल मजदूरी के दलदल में फंसे हुए हैं। ये बच्चे स्कूल की दहलीज तक नहीं पहुंच पा रहे, बल्कि होटल, ढाबों और निर्माण स्थलों पर काम करते नजर आ रहे हैं। सवाल यह उठता है कि जब सरकार शिक्षा को लेकर इतने बड़े अभियान चला रही है, तो आखिर ये बच्चे शिक्षा से वंचित क्यों हैं?
मुंबई भाजपा उत्तर भारतीय मोर्चा के अध्यक्ष प्रमोद मिश्रा ने किया नई टीम का ऐलान
मुंबई। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) मुंबई इकाई के अंतर्गत उत्तर भारतीय मोर्चा में संगठन को और सशक्त बनाने के उद्देश्य से नई कार्यकारिणी की घोषणा की गई है। मुंबई भाजपा अध्यक्ष अमीत साटम की संस्तुति पर उत्तर भारतीय मोर्चा के अध्यक्ष प्रमोद मिश्रा ने अक्षय तृतीया के शुभ अवसर पर रविवार को नई टीम का ऐलान किया। प्रमोद मिश्रा ने बताया कि कार्यकारिणी का गठन समाज के सभी वर्गों को ध्यान में रखते हुए किया गया है, ताकि संगठन को अधिक सक्रिय और मजबूत बनाया जा सके। उन्होंने विश्वास जताया कि नई टीम के गठन से मुंबई में भाजपा का जनाधार और विस्तृत होगा, खासकर उत्तर भारतीय समाज में पार्टी की पकड़ और मजबूत होगी। नई कार्यकारिणी में अध्यक्ष प्रमोद मिश्रा सहित कुल 55 पदाधिकारियों और सदस्यों को शामिल किया गया है। इसमें 9 उपाध्यक्ष, 4 महामंत्री, 9 सचिव और 1 कोषाध्यक्ष सहित विभिन्न पदों पर नियुक्तियां की गई हैं।
उपाध्यक्ष पद पर मनोज सिंह, अजय शुक्ला, बबलू विश्वकर्मा, विजय यादव, बृजेश दुबे, विजय सिंह, राजेश यादव, चंदन तिवारी और प्रभाकर चतुर्वेदी को जिम्मेदारी सौंपी गई है। वहीं दया शंकर यादव, अजित सिंह, एडवोकेट मनोज जायसवाल और विनय दुबे को महामंत्री बनाया गया है। सचिव पद पर राहुल यादव, डॉ. नूतन सिंह, शिव मिश्रा, कैलाश यादव, रविंद्र पांडेय, महेंद्र चौरसिया, सूर्यकांत शर्मा, राजेंद्र मिश्रा और जगत नारायण गुप्ता को नियुक्त किया गया है। इसके अलावा राजकुमार सिंह को कोषाध्यक्ष, आशीष मिश्रा को सोशल मीडिया प्रमुख, सचिन प्रजापति को सह-प्रमुख बनाया गया है। अन्य प्रमुख नियुक्तियों में मयंक शेखर को युवा प्रमुख, संध्या पाठक को महिला प्रमुख, ओम प्रकाश पांडे को कार्यालय प्रमुख, पारुल चौधरी को मीडिया प्रमुख और एडवोकेट नीलेश पंडित को विधि प्रमुख की जिम्मेदारी दी गई है। इसके साथ ही 23 कार्यकारिणी सदस्यों को भी संगठनात्मक दायित्व सौंपे गए हैं। प्रमोद मिश्रा ने कहा कि यह नई कार्यकारिणी संगठन में नई ऊर्जा का संचार करेगी और भाजपा के विचारों को घर-घर तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाएगी। उन्होंने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, मुंबई भाजपा अध्यक्ष अमीत साटम और पार्टी के महामंत्री आचार्य पवन त्रिपाठी का आभार व्यक्त करते हुए सभी नवनियुक्त पदाधिकारियों को शुभकामनाएं दीं और समर्पण भाव से कार्य करने का आह्वान किया।
केंद्रीय राज्य मंत्री अनुप्रिया  ने जनसंपर्क कार्यालय में सुनीं जनसमस्याएं, दिया समाधान का आश्वासन

मीरजापुर। अपना दल (एस) की राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं  केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण तथा रसायन एवं उर्वरक राज्यमंत्री श्रीमती अनुप्रिया पटेल ने सोमवार को सरदार पटेल चौराहा स्थित सांसद जनसंपर्क कार्यालय में जनपद के विभिन्न क्षेत्रों से आए आमजन, एनडीए के पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने उपस्थित लोगों की समस्याएं गंभीरता से सुनीं और उनके त्वरित निस्तारण के लिए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जनसेवा ही उनका प्रमुख लक्ष्य है और जनता की समस्याओं का समयबद्ध समाधान कराना उनकी प्राथमिकता है।
कार्यक्रम में एनडीए के वरिष्ठ पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने क्षेत्रीय विकास से जुड़े विभिन्न विषयों पर भी चर्चा की और उन्होंने सरकार की जन कल्याणकारी योजनाओं को हर पात्र व्यक्ति तक पहुंचाने को कहा। इस अवसर पर बड़ी संख्या में आम नागरिक एवं पार्टी पदाधिकारी उपस्थित रहे।
*भदोही में यातायात अभियान: 216 वाहनों का चालान: मॉडिफाइड साइलेंसर, प्रेशर हॉर्न पर ₹2.61 लाख का समन, एक वाहन सीज*

रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। पुलिस अधीक्षक भदोही अभिनव त्यागी के कुशल निर्देशन एवं अपर पुलिस अधीक्षक शुभम अग्रवाल के पर्यवेक्षण में, जनपद में यातायात व्यवस्था को सुदृढ़ करने और ध्वनि प्रदूषण पर अंकुश लगाने के लिए एक सघन वाहन चेकिंग अभियान चलाया गया। इस दौरान यातायात पुलिस ने 190 दोपहिया और 26 चारपहिया वाहनों सहित कुल 216 वाहनों का चालान किया, जिससे ₹2.61 लाख का समन शुल्क वसूला गया। एक वाहन को सीज भी किया गया। यह अभियान मुख्य रूप से दोपहिया वाहनों में लगे मॉडिफाइड साइलेंसर, ट्रकों और भारी वाहनों में अवैध प्रेशर हॉर्न, तथा निजी वाहनों पर अनधिकृत रूप से लगी नीली/लाल बत्ती व हूटर के विरुद्ध चलाया गया। यातायात/जनपदीय पुलिस द्वारा जनपद के व्यस्त चौराहों, संवेदनशील मार्गों और विशेष रूप से जनपद के बॉर्डर के मुख्य मार्गों पर सघन जांच की गई। नियम विरुद्ध पाए गए वाहनों का तत्काल चालान किया गया। मॉडिफाइड साइलेंसर का प्रयोग कर शोर मचाने वाले चालकों पर नियमानुसार कार्यवाही की जाएगी। चेकिंग के दौरान रॉन्ग साइड ड्राइविंग और गलत लेन में वाहन चलाने वालों को भी चेतावनी दी गई, साथ ही आमजन को ध्वनि प्रदूषण के दुष्प्रभावों और यातायात नियमों के पालन के प्रति जागरूक किया गया।
पुलिस अधीक्षक ने स्पष्ट किया है कि यह अभियान निरंतर जारी रहेगा। सार्वजनिक सड़कों पर स्टंट करने वाले और मॉडिफाइड उपकरणों से शांति भंग करने वालों के विरुद्ध कठोर विधिक कार्यवाही सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने जनता से अपील की है कि वे अपने वाहनों में किसी भी प्रकार का अवैध मॉडिफिकेशन न कराएं और सुरक्षित यातायात व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस का सहयोग करें।
लूटपाट के दौरान हुई मारपीट में एक घायल, पुलिस व घायल ने लिखाया मुकदमा

गोंडा।जिले के खरगूपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत स्थित खनवापुर में शनिवार देर रात हुई लूटपाट के  प्रयास के दौरान हुई मारपीट में एक व्यक्ति की मौत हो गई,जबकि एक व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गया।घायल का लखनऊ मेडिकल कॉलेज में इलाज चल रहा है।इस मामले में पुलिस ने दो अलग अलग मुकदमा दर्ज किया है।यह घटना तब हुई जब थ्रेसर मालिक हनुमान प्रसाद अपने खेत में भूसा बना रहे थ्रेसर को देखने पहुंचे थे।इसी दौरान एक कार्यक्रम से लौट रहे तीन युवक संजय चौबे, दीपक यादव और प्रशांत त्रिपाठी ने एक मोटरसाइकिल पर सवार होकर हनुमान प्रसाद का मोबाइल छीनने का प्रयास किया और लूटपाट करने लगे।हनुमान प्रसाद किसी तरह वहाँ से भाग निकले और उन्होंने देवी प्रसाद तथा अपने ट्रैक्टर ड्राइवर कौशल को फोन कर घटना की सूचना दिया।सूचना पाकर मौके पर पहुंचे देवी प्रसाद और कौशल ने संजय चौबे को पकड़ा तो संजय चौबे ने अपने साथियों के साथ मिलकर मारपीट शुरू कर दिया।मारपीट के दौरान संजय चौबे ने अपने पास रखे चाकू से देवी प्रसाद के गले पर वार कर दिया,जिससे देवी प्रसाद गंभीर रूप से घायल हो गये।उन्हे इलाज के लिए लखनऊ भर्ती कराया गया है।इसी मारपीट में संजय चौबे (23) गंभीर रूप से घायल हो गये थे।स्थानीय लोगों द्वारा उन्हें तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहाँ उनकी मौत हो गई।खरगूपुर थाने की पुलिस ने मृतक संजय चौबे का पोस्टमार्टम कराया है।पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का कारण स्पष्ट न होने के कारण बिसरा सुरक्षित कर जांच के लिए भेजा गया है।घायल देवी प्रसाद ने इस पूरी घटना को लेकर मृतक संजय चौबे, दीपक यादव और प्रशांत तिवारी के खिलाफ चाकू से हमला करने और थ्रेसर मालिक हनुमान प्रसाद के साथ लूटपाट करने का मुकदमा दर्ज कराया है।वहीं मृतक संजय चौबे के परिजनों द्वारा कोई तहरीर न दिये जाने पर खरगूपुर थाने की पुलिस ने स्वयं वादि बनकर देवी प्रसाद और अन्य अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज किया है।मृतक की मां राजपति ने बताया कि बड़े बेटे अजय का 27 अप्रैल को तिलक व 5 मई को शादी तय थी।छोटे बेटे संजय की मौत से घर में खुशी का माहौल मातम में बदल गया।वहीं क्षेत्राधिकारी नगर आनंद राय ने बताया कि मृतक की पहचान चौखड़िया गांव के संजय चौबे (23) के रुप में हुई है।उनके साथियों की पहचान परसरामपुर अहिरनपुरवा गांव के दीपक यादव व खनवापुर के प्रशांत तिवारी के रूप में हुई है।
प्रदेश सरकार ने 40 आईएएस अधिकारियों का किया तबादला, कई जिलों के डीएम बदले
लखनऊ । उत्तर प्रदेश सरकार ने देर रात बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए 40 आईएएस अधिकारियों के तबादले कर दिए हैं। इस व्यापक बदलाव में कई जिलों के जिलाधिकारियों (DM) को बदला गया है, जबकि कई अधिकारियों को अहम विभागों और संस्थानों की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
तबादलों के तहत उन्नाव के डीएम गौरांग राठी को झांसी का जिलाधिकारी बनाया गया है, जबकि इंद्रजीत सिंह को सुल्तानपुर का डीएम नियुक्त किया गया है। सुल्तानपुर के डीएम कुमार हर्ष को बुलंदशहर भेजा गया है।इसी क्रम में अन्नपूर्णा गर्ग को श्रावस्ती, आलोक यादव को शामली और अरविंद कुमार चौहान को सहारनपुर का जिलाधिकारी बनाया गया है। नितिन गौड़ को अमरोहा, अभिषेक गोयल को हमीरपुर और सरनीत कौर ब्रोका को रायबरेली का डीएम नियुक्त किया गया है।
अमरोहा की डीएम निधि गुप्ता वत्स को फतेहपुर, हमीरपुर के डीएम घनश्याम मीणा को उन्नाव और मैनपुरी के डीएम अंजनी कुमार सिंह को लखीमपुर खीरी भेजा गया है। औरैया के डीएम डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी को मैनपुरी, जबकि बृजेश कुमार को औरैया का डीएम बनाया गया है।
सहारनपुर के डीएम मनीष बंसल को आगरा का डीएम और आगरा के डीएम अरविंद मल्लप्पा बांगरी को मुख्यमंत्री का विशेष सचिव नियुक्त किया गया है।
ऊर्जा और पावर सेक्टर में भी बदलाव करते हुए नीतीश कुमार को उत्तर प्रदेश पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड का प्रबंध निदेशक बनाया गया है, जबकि बुलंदशहर की डीएम श्रुति को दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड (आगरा) का एमडी बनाया गया है।
प्रतीक्षारत आशुतोष निरंजन को परिवहन आयुक्त और किंजल सिंह को सचिव माध्यमिक शिक्षा बनाया गया है।
वहीं, लखीमपुर खीरी की डीएम दुर्गा शक्ति नागपाल को देवीपाटन मंडल का कमिश्नर बनाया गया है। शशि भूषण लाल सुशील को प्रमुख सचिव MSME एवं निर्यात प्रोत्साहन विभाग की जिम्मेदारी दी गई है।
फतेहपुर के डीएम रविंदर सिंह को विशेष सचिव ऊर्जा एवं अतिरिक्त ऊर्जा स्रोत, साथ ही यूपीनेडा और रिन्यूएबल एंड ईवी इंफ्रास्ट्रक्चर लिमिटेड का प्रबंध निदेशक बनाया गया है।
इसके अलावा झांसी के डीएम मृदुल चौधरी को पर्यटन विभाग में विशेष सचिव व निदेशक, श्रावस्ती के डीएम अश्वनी कुमार पांडे को निदेशक अल्पसंख्यक कल्याण, और रायबरेली की डीएम हर्षिता माथुर को बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग का निदेशक बनाया गया है।
प्रशासनिक स्तर पर अन्य फेरबदल में कई मुख्य विकास अधिकारियों (CDO) और संयुक्त मजिस्ट्रेट स्तर के अधिकारियों को भी नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं, जिससे जिला और विभागीय प्रशासन में व्यापक बदलाव देखने को मिलेगा।
आजमगढ़: बाब साहब के विचारों को आत्मसात करने की जरूरत - पूर्व सांसद, तहबरपुुुुर में मनाई गई अम्बेडकर जयंती
आजमगढ़ । रविवार को तहबरपुुुुर ब्लाक परिसर में अम्बेडकर जयंती मनाई गयी। लोगों ने ब्लाक मुख्यालय स्थित अम्बेडकर प्रतिमा पर माल्यार्पण पुष्पांजलि अर्पित किया।तत्पश्चात एक विचार गोष्ठी का आयोजन किया गया। गोष्ठी को संबोधित करते हुए पूर्व सांसद डाक्टर बलिराम ने कहा कि बाबा साहब डाक्टर भीमराव अम्बेडकर का स्पष्ट मानना था कि शिक्षा ही वह हथियार है जिसके बदौलत हम समाज की कुरीतियों जातिवाद और असमानता को मिटाकर भारत का नव निर्माण कर सकते हैं। उन्होंने ने कहा कि वे एक ऐसे भारत का निर्माण करना चाहते थे जहां समता स्वतंत्रता प्रेम और बंधुत्व का वास हो। हरिश्चंद्र गौतम ने कहा कि आज हमें बाबा साहब को केवल याद करने की नहीं समझने जरूरत है। उन्होंने ने कहा कि शिक्षा का महत्व समझना चाहिए । शिक्षा के बदौलत ही बाबा साहब ने हमें समाज में सम्मान पूर्वक जीने का अधिकार दिलाया। हम सदैव उनके आभारी रहेंगे। हमें समाज में भेदभाव को मिटाकर सबको साथ लेकर चलने की जरूरत है। ओंमकार शास्त्री ने कहा कि हमें बाबा साहेब को पढ़ने की जरूरत है।हम सब मिलकर उनके विचारों को अपनाएं और एक सशक्त, शिक्षित और एकजुट भारत का निर्माण करें। इस अवसर पर विनोद चौहान, राम पूजन, सनातन पटेल, ज्वाला प्रसाद, डाक्टर बाबू राम, ओमप्रकाश प्रजापति, , सागर राम आदि ने अपने विचार व्यक्त किया। डा0 राकेश ,रामजनम मौर्या, मुकेश कुमार , विजय कुमार ,नन्हकू प्रसाद ,सुनील कुमार गौतम, डा0 हंसराज गौतम, मो साकिर प्रधान , दीपक , दयाराम यादव , त्रिलोकी बौद्ध मो नैयर बेग , शेरबहादुर बौद्ध ,बृजलाल , पवन कुमार ,अरविंद कुमार एडोकेट ,महेंद्र प्रसाद, छोटेलाल ,गोपीचंद ,मुन्नी लाल सहित बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे। कार्यक्रम का संचालन चन्द्र शेखर ने किया। अमृत लाल ने आभार व्यक्त किया।
आजमगढ़: बीना पारा गांव में छत के ऊपर रख कर विद्युत केबल ले जाने से परिजन भयभीत
आजमगढ़। जनपद के बीना पारा गांव में विद्युत केबल छत के ऊपर रख कर ले जाने से खतरा बना हुआ है। जिसको लेकर किसी अनहोनी को लेकर परिजन संशकित है। निजामाबाद तहसील के मिर्जापुर विकास खण्ड में पड़ने वाले बीना पारा गांव में विद्युत आपूर्ति विद्युत उपकेंद्र मजीद पट्टी से होती है। लगभग एक पखवारा पूर्व विद्युत कर्मी असफाक अहमद,सोहराब अहमद व अंसार अहमद के छत के ऊपर रख विद्युत केबल ले गये है। विद्युत केबल ले धारा प्रवाहित हो रही है। जिससे किसी अनहोनी को लेकर परिजन संशकित है। पास ही जुमा मस्जिद है। मस्जिद के पास विद्युत केबल लटका हुआ है। उसी रास्ते से गांव के बच्चे पढ़ने जाते हैं। जो किसी दुर्घटना का कारण बना हुआ है। कांग्रेस कमेटी के मिर्जापुर ब्लाक अध्यक्ष मोहम्मद अजमल व उपाध्यक्ष संतलाल त्यागी ने बताया कि शिकायत के बावजूद विद्युत कर्मी ध्यान नहीं दें रहे है। उन्होंने ने बिजली विभाग के उच्चाधिकारियों का ध्यान आकृष्ट कराते विद्युत केबल छत को ऊपर से हटाने के साथ साथ लटके केबल को ठीक करायें जाने की मांग किया है।
डॉ. विनोद त्रिपाठी व ताजेंद्र बहादुर सिंह बड़गड़ी के नेतृत्व में निकली परशुराम शोभायात्रा
लालापुर से मनकामेश्वर धाम तक गूंजे जय परशुराम के नारे



विश्वनाथ प्रताप सिंह
प्रयागराज, लालापुर यमुनानगर क्षेत्र के बारा तहसील अंतर्गत ग्राम सभा डेरा बारी स्थित हनुमान मंदिर से रविवार सुबह लगभग ग्यारह बजे भगवान परशुराम जन्मोत्सव के अवसर पर भव्य शोभायात्रा निकाली गई। यह यात्रा लालापुर चौराहा होते हुए भटपुरा स्थित भगवान भोलेनाथ के प्रसिद्ध मनकामेश्वर धाम में जाकर संपन्न हुई। पूरे क्षेत्र में श्रद्धा, उत्साह और धार्मिक उल्लास का अद्भुत माहौल देखने को मिला।हिंदू धर्म में भगवान विष्णु के छठे अवतार के रूप में पूज्य भगवान परशुराम का जन्मोत्सव वैशाख मास के शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि को मनाया जाता है, जिसे अक्षय तृतीया के नाम से भी जाना जाता है। इसी पावन अवसर पर आयोजित इस शोभायात्रा ने क्षेत्र में धार्मिक ऊर्जा का संचार कर दिया। डेरा बारी से प्रारंभ होकर मनकामेश्वर धाम स्थित परशुराम मंदिर तक पहुंची इस यात्रा में सैकड़ों की संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। डॉ. विनोद त्रिपाठी (सावित्री नर्सिंग होम, शिवराजपुर) एवं वरिष्ठ समाजसेवी ताजेंद्र बहादुर सिंह बड़गड़ी की गरिमामयी उपस्थिति एवं अगुवाई ने कार्यक्रम को विशेष बना दिया। “जय परशुराम” के गगनभेदी नारों से पूरा इलाका गूंज उठा। डीजे, फोर व्हीलर और बाइक के साथ निकली यह यात्रा इतनी भव्य थी कि मानो स्वयं भगवान परशुराम धरती पर अवतरित हो गए हों। यात्रा के दौरान सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद रही। सहायक पुलिस आयुक्त बारा वेद व्यास मिश्रा के नेतृत्व में थाना प्रभारी लालापुर अनुभव सिंह, सब इंस्पेक्टर कौशलेंद्र, श्याम सुंदर, रामाश्रय यादव, रेखा, हेड कांस्टेबल राधा मोहन सहित पूरी पुलिस टीम मुस्तैद रही। प्रशासन की सतर्कता के चलते पूरे कार्यक्रम में कहीं भी कोई अप्रिय घटना नहीं हुई और शोभायात्रा शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराई गई। इस आयोजन में डॉ. विनोद त्रिपाठी ,ताजेंद्र बहादुर सिंह बड़गड़ी, ग्राम प्रधान भटपुरा शंकरलाल पांडे, समाजसेवी अनोद त्रिपाठी, विवेक शुक्ला (लाला) आशीष मिश्रा, विधायक प्रतिनिधि विजय निषाद उर्फ श्यामू निषाद अनोद त्रिपाठी, सतीश त्रिपाठी, नारायण सिंह,ओपी सिंह, हरी ओम द्विवेदी रवी सिंह सहित क्षेत्र के कई गणमान्य लोग मौजूद रहे। साथ ही बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिकों ने भी भागीदारी निभाई। कार्यक्रम की सफल और शांतिपूर्ण व्यवस्था को लेकर क्षेत्रवासियों ने पुलिस प्रशासन की कार्यशैली की खुलकर सराहना की। यह शोभायात्रा न केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक बनी, बल्कि सामाजिक एकता और प्रशासनिक कुशलता का भी सशक्त उदाहरण प्रस्तुत कर गई।
विद्यालय जमीन घोटाला: हाईकोर्ट सख्त, सरकार से दो हफ्ते में मांगा जवाब*

वैदिक विद्या मंदिर विद्यालय की जमीन बिक्री और व्यावसायिक उपयोग के आरोप*

हाईकोर्ट सख्त, जमीन बिक्री और दुरुपयोग पर सरकार से जवाब तलब*

रितेश मिश्रा
हरदोई । वैदिक विद्या मंदिर उच्चतर माध्यमिक विद्यालय से जुड़े गंभीर आरोपों पर इलाहाबाद उच्च न्यायालय, लखनऊ खंडपीठ ने कड़ा रुख अपनाते हुए राज्य सरकार से जवाब तलब किया है। विद्यालय की भूमि के कथित अवैध विक्रय, संपत्ति के दुरुपयोग और परिसर में चल रही व्यावसायिक गतिविधियों को लेकर दायर जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए अदालत ने सरकार को दो सप्ताह के भीतर स्पष्ट स्थिति बताने का निर्देश दिया है।

यह आदेश जनहित याचिका संख्या 325/2026 पर सुनवाई के दौरान पारित किया गया, जिसे याची विजय कुमार पाण्डेय द्वारा दायर किया गया है। अदालत ने मामले की गंभीरता को देखते हुए इसे प्राथमिकता से सुनते हुए अगली सुनवाई की तिथि 28 अप्रैल निर्धारित की है।

आरोपों की प्रकृति: शिक्षा से व्यापार की ओर झुकाव
याचिका में आरोप लगाया गया है कि विद्यालय की गाटा संख्या 66, 67 और 68 की भूमि का अवैध रूप से विक्रय किया गया है। इसके साथ ही विद्यालय की संपत्ति का शैक्षिक उद्देश्यों के बजाय व्यावसायिक उपयोग किया जा रहा है। आरोप है कि विद्यालय परिसर में दुकानों का संचालन, निजी संस्थानों की गतिविधियां और अन्य व्यापारिक कार्य हो रहे हैं, जिससे शिक्षा का वातावरण प्रभावित हो रहा है।

याचिकाकर्ता ने यह भी कहा है कि इन गतिविधियों के चलते विद्यालय की मूल भावना और उद्देश्य पूरी तरह से प्रभावित हो रहे हैं। विद्यार्थियों के लिए बनाए गए शैक्षणिक माहौल में व्यवधान उत्पन्न हो रहा है, जो न केवल शिक्षा के अधिकार का उल्लंघन है बल्कि संस्थान के अस्तित्व पर भी प्रश्नचिह्न खड़ा करता है।

*न्यायालय की सख्त टिप्पणी*

मामले की सुनवाई न्यायमूर्ति आलोक माथुर और न्यायमूर्ति अमिताभ कुमार राय की खंडपीठ द्वारा की गई। अदालत ने प्रथम दृष्टया आरोपों को गंभीर मानते हुए राज्य सरकार से विस्तृत जवाब मांगा है। राज्य सरकार की ओर से उपस्थित स्थायी अधिवक्ता ने अदालत से अनुरोध किया कि उन्हें इस मामले में संबंधित विभागों से आवश्यक निर्देश प्राप्त करने के लिए समय दिया जाए। इस पर न्यायालय ने दो सप्ताह का समय देते हुए स्पष्ट किया कि अगली सुनवाई में सरकार को तथ्यों सहित अपनी स्थिति स्पष्ट करनी होगी।

*प्रबंधन पर मनमानी के आरोप*


याचिका में विद्यालय के प्रबंधन तंत्र पर भी गंभीर आरोप लगाए गए हैं। कहा गया है कि प्रबंधन द्वारा मनमाने तरीके से निर्णय लिए जा रहे हैं, जिससे संस्था की संपत्ति और संसाधनों का दुरुपयोग हो रहा है। यह भी आरोप है कि प्रबंधन ने नियमों की अनदेखी करते हुए विद्यालय की जमीन और परिसंपत्तियों का निजी लाभ के लिए उपयोग किया है। स्थानीय स्तर पर भी इस मुद्दे को लेकर लंबे समय से असंतोष बताया जा रहा है। अभिभावकों और क्षेत्रीय लोगों का कहना है कि विद्यालय की स्थिति लगातार खराब होती जा रही है और शिक्षा की गुणवत्ता प्रभावित हो रही है।

*सरकारी तंत्र की भूमिका पर सवाल*

इस पूरे प्रकरण में सरकारी तंत्र की निष्क्रियता पर भी सवाल उठाए गए हैं। याचिका में कहा गया है कि संबंधित अधिकारियों को इन गतिविधियों की जानकारी होने के बावजूद उन्होंने कोई ठोस कार्रवाई नहीं की। इससे यह संकेत मिलता है कि या तो लापरवाही बरती गई या फिर जानबूझकर मामले को नजरअंदाज किया गया। सूत्रों  का मानना है कि यदि समय रहते कार्रवाई नहीं की गई, तो यह मामला अन्य शैक्षणिक संस्थानों के लिए भी गलत उदाहरण बन सकता है। शिक्षा संस्थानों की संपत्ति का इस तरह से उपयोग शिक्षा व्यवस्था की विश्वसनीयता को प्रभावित करता है।

*शिक्षा पर पड़ता असर*

विद्यालय परिसर में व्यावसायिक गतिविधियों के संचालन से छात्रों के अध्ययन वातावरण पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ने की बात भी सामने आई है। कक्षाओं के आसपास दुकानों और अन्य गतिविधियों के चलते शोर-शराबा और अव्यवस्था की स्थिति बनती है, जिससे विद्यार्थियों का ध्यान भंग होता है। इसके अलावा, संस्थान के संसाधनों का सही उपयोग न होने से शैक्षिक सुविधाओं में भी कमी आ सकती है। ऐसे में छात्रों के भविष्य पर नकारात्मक असर पड़ना स्वाभाविक है।

*न्यायिक प्रक्रिया में अगला कदम*


अदालत ने स्पष्ट किया है कि यह मामला गंभीर प्रकृति का है और इससे शिक्षा व्यवस्था जुड़ी हुई है। इसलिए इसे हल्के में नहीं लिया जा सकता। दो सप्ताह के भीतर राज्य सरकार को अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत करनी होगी, जिसके आधार पर आगे की कार्रवाई तय की जाएगी। अगली सुनवाई 28 अप्रैल को निर्धारित की गई है, जिसमें यह देखा जाएगा कि सरकार ने क्या कदम उठाए हैं और क्या आरोपों में कोई सच्चाई पाई गई है।

*स्थानीय स्तर पर बढ़ी चिंता*

इस पूरे घटनाक्रम के बाद हरदोई क्षेत्र में चिंता का माहौल है। अभिभावक और स्थानीय नागरिक विद्यालय के भविष्य को लेकर चिंतित हैं। उनका कहना है कि यदि जल्द ही सुधारात्मक कदम नहीं उठाए गए, तो यह संस्थान पूरी तरह से खत्म होने की कगार पर पहुंच सकता है।
स्कूल चलो अभियान की भयावह विफलता: नौनिहालों का भविष्य धूंध में, बाल मजदूरी का दलदल गहराता जा रहा
बबलू प्रजापति पिहानी

पिहानी (हरदोई):सरकार ने ‘स्कूल चलो अभियान’ और जन जागरूकता योजनाओं को बड़ी उम्मीदों के साथ शुरू किया था, लेकिन पिहानी में आज यह अभियान पूरी तरह धराशायी हो चुका है। नौनिहाल जिनके हाथों में कलम होनी चाहिए, वे फावड़ा, ईंटें और चाय के जूठे गिलास उठाने पर मजबूर हैं। निर्माण स्थलों, ढाबों और होटल जैसे जगहों पर ये मासूम बच्चे काम कर रहे हैं, जबकि शिक्षा का अधिकार सिर्फ एक नाम बनकर रह गया है।
श्रम व शिक्षा विभाग की लापरवाही इस त्रासदी का मुख्य कारण है। अधिकारियों ने सिर्फ दिखावे के कार्यक्रम आयोजित किए, जबकि जमीनी स्तर पर कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया। बाल मजदूरी की घटनाएं रोज सामने आ रही हैं, लेकिन कोई सख्त कार्रवाई नहीं हो रही। स्थानीय लोग आक्रोशित हैं और पूछ रहे हैं कि आखिर कब प्रशासन इस जघन्य अपराध पर लगाम लगाएगा। बच्चों का भविष्य दांव पर है, और अगर अभी जाग नहीं हुई, तो ये मासूम पीढ़ी कभी शिक्षा का उजाला नहीं देख पाएगी।बाल मजदूरी के दलदल में धकेले जा रहे हैं। सरकार के आदेशों के बावजूद, शिक्षा व श्रम विभाग केवल दिखावा कर रहे हैं, बच्चों का उज्ज्वल भविष्य अधर में लटका हुआ।क्षेत्र में सैकड़ों मासूम बच्चे आज भी बाल मजदूरी के दलदल में फंसे हुए हैं। ये बच्चे स्कूल की दहलीज तक नहीं पहुंच पा रहे, बल्कि होटल, ढाबों और निर्माण स्थलों पर काम करते नजर आ रहे हैं। सवाल यह उठता है कि जब सरकार शिक्षा को लेकर इतने बड़े अभियान चला रही है, तो आखिर ये बच्चे शिक्षा से वंचित क्यों हैं?
मुंबई भाजपा उत्तर भारतीय मोर्चा के अध्यक्ष प्रमोद मिश्रा ने किया नई टीम का ऐलान
मुंबई। भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) मुंबई इकाई के अंतर्गत उत्तर भारतीय मोर्चा में संगठन को और सशक्त बनाने के उद्देश्य से नई कार्यकारिणी की घोषणा की गई है। मुंबई भाजपा अध्यक्ष अमीत साटम की संस्तुति पर उत्तर भारतीय मोर्चा के अध्यक्ष प्रमोद मिश्रा ने अक्षय तृतीया के शुभ अवसर पर रविवार को नई टीम का ऐलान किया। प्रमोद मिश्रा ने बताया कि कार्यकारिणी का गठन समाज के सभी वर्गों को ध्यान में रखते हुए किया गया है, ताकि संगठन को अधिक सक्रिय और मजबूत बनाया जा सके। उन्होंने विश्वास जताया कि नई टीम के गठन से मुंबई में भाजपा का जनाधार और विस्तृत होगा, खासकर उत्तर भारतीय समाज में पार्टी की पकड़ और मजबूत होगी। नई कार्यकारिणी में अध्यक्ष प्रमोद मिश्रा सहित कुल 55 पदाधिकारियों और सदस्यों को शामिल किया गया है। इसमें 9 उपाध्यक्ष, 4 महामंत्री, 9 सचिव और 1 कोषाध्यक्ष सहित विभिन्न पदों पर नियुक्तियां की गई हैं।
उपाध्यक्ष पद पर मनोज सिंह, अजय शुक्ला, बबलू विश्वकर्मा, विजय यादव, बृजेश दुबे, विजय सिंह, राजेश यादव, चंदन तिवारी और प्रभाकर चतुर्वेदी को जिम्मेदारी सौंपी गई है। वहीं दया शंकर यादव, अजित सिंह, एडवोकेट मनोज जायसवाल और विनय दुबे को महामंत्री बनाया गया है। सचिव पद पर राहुल यादव, डॉ. नूतन सिंह, शिव मिश्रा, कैलाश यादव, रविंद्र पांडेय, महेंद्र चौरसिया, सूर्यकांत शर्मा, राजेंद्र मिश्रा और जगत नारायण गुप्ता को नियुक्त किया गया है। इसके अलावा राजकुमार सिंह को कोषाध्यक्ष, आशीष मिश्रा को सोशल मीडिया प्रमुख, सचिन प्रजापति को सह-प्रमुख बनाया गया है। अन्य प्रमुख नियुक्तियों में मयंक शेखर को युवा प्रमुख, संध्या पाठक को महिला प्रमुख, ओम प्रकाश पांडे को कार्यालय प्रमुख, पारुल चौधरी को मीडिया प्रमुख और एडवोकेट नीलेश पंडित को विधि प्रमुख की जिम्मेदारी दी गई है। इसके साथ ही 23 कार्यकारिणी सदस्यों को भी संगठनात्मक दायित्व सौंपे गए हैं। प्रमोद मिश्रा ने कहा कि यह नई कार्यकारिणी संगठन में नई ऊर्जा का संचार करेगी और भाजपा के विचारों को घर-घर तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाएगी। उन्होंने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, मुंबई भाजपा अध्यक्ष अमीत साटम और पार्टी के महामंत्री आचार्य पवन त्रिपाठी का आभार व्यक्त करते हुए सभी नवनियुक्त पदाधिकारियों को शुभकामनाएं दीं और समर्पण भाव से कार्य करने का आह्वान किया।
केंद्रीय राज्य मंत्री अनुप्रिया  ने जनसंपर्क कार्यालय में सुनीं जनसमस्याएं, दिया समाधान का आश्वासन

मीरजापुर। अपना दल (एस) की राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं  केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण तथा रसायन एवं उर्वरक राज्यमंत्री श्रीमती अनुप्रिया पटेल ने सोमवार को सरदार पटेल चौराहा स्थित सांसद जनसंपर्क कार्यालय में जनपद के विभिन्न क्षेत्रों से आए आमजन, एनडीए के पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने उपस्थित लोगों की समस्याएं गंभीरता से सुनीं और उनके त्वरित निस्तारण के लिए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जनसेवा ही उनका प्रमुख लक्ष्य है और जनता की समस्याओं का समयबद्ध समाधान कराना उनकी प्राथमिकता है।
कार्यक्रम में एनडीए के वरिष्ठ पदाधिकारियों एवं कार्यकर्ताओं ने क्षेत्रीय विकास से जुड़े विभिन्न विषयों पर भी चर्चा की और उन्होंने सरकार की जन कल्याणकारी योजनाओं को हर पात्र व्यक्ति तक पहुंचाने को कहा। इस अवसर पर बड़ी संख्या में आम नागरिक एवं पार्टी पदाधिकारी उपस्थित रहे।
*भदोही में यातायात अभियान: 216 वाहनों का चालान: मॉडिफाइड साइलेंसर, प्रेशर हॉर्न पर ₹2.61 लाख का समन, एक वाहन सीज*

रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। पुलिस अधीक्षक भदोही अभिनव त्यागी के कुशल निर्देशन एवं अपर पुलिस अधीक्षक शुभम अग्रवाल के पर्यवेक्षण में, जनपद में यातायात व्यवस्था को सुदृढ़ करने और ध्वनि प्रदूषण पर अंकुश लगाने के लिए एक सघन वाहन चेकिंग अभियान चलाया गया। इस दौरान यातायात पुलिस ने 190 दोपहिया और 26 चारपहिया वाहनों सहित कुल 216 वाहनों का चालान किया, जिससे ₹2.61 लाख का समन शुल्क वसूला गया। एक वाहन को सीज भी किया गया। यह अभियान मुख्य रूप से दोपहिया वाहनों में लगे मॉडिफाइड साइलेंसर, ट्रकों और भारी वाहनों में अवैध प्रेशर हॉर्न, तथा निजी वाहनों पर अनधिकृत रूप से लगी नीली/लाल बत्ती व हूटर के विरुद्ध चलाया गया। यातायात/जनपदीय पुलिस द्वारा जनपद के व्यस्त चौराहों, संवेदनशील मार्गों और विशेष रूप से जनपद के बॉर्डर के मुख्य मार्गों पर सघन जांच की गई। नियम विरुद्ध पाए गए वाहनों का तत्काल चालान किया गया। मॉडिफाइड साइलेंसर का प्रयोग कर शोर मचाने वाले चालकों पर नियमानुसार कार्यवाही की जाएगी। चेकिंग के दौरान रॉन्ग साइड ड्राइविंग और गलत लेन में वाहन चलाने वालों को भी चेतावनी दी गई, साथ ही आमजन को ध्वनि प्रदूषण के दुष्प्रभावों और यातायात नियमों के पालन के प्रति जागरूक किया गया।
पुलिस अधीक्षक ने स्पष्ट किया है कि यह अभियान निरंतर जारी रहेगा। सार्वजनिक सड़कों पर स्टंट करने वाले और मॉडिफाइड उपकरणों से शांति भंग करने वालों के विरुद्ध कठोर विधिक कार्यवाही सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने जनता से अपील की है कि वे अपने वाहनों में किसी भी प्रकार का अवैध मॉडिफिकेशन न कराएं और सुरक्षित यातायात व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस का सहयोग करें।
लूटपाट के दौरान हुई मारपीट में एक घायल, पुलिस व घायल ने लिखाया मुकदमा

गोंडा।जिले के खरगूपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत स्थित खनवापुर में शनिवार देर रात हुई लूटपाट के  प्रयास के दौरान हुई मारपीट में एक व्यक्ति की मौत हो गई,जबकि एक व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गया।घायल का लखनऊ मेडिकल कॉलेज में इलाज चल रहा है।इस मामले में पुलिस ने दो अलग अलग मुकदमा दर्ज किया है।यह घटना तब हुई जब थ्रेसर मालिक हनुमान प्रसाद अपने खेत में भूसा बना रहे थ्रेसर को देखने पहुंचे थे।इसी दौरान एक कार्यक्रम से लौट रहे तीन युवक संजय चौबे, दीपक यादव और प्रशांत त्रिपाठी ने एक मोटरसाइकिल पर सवार होकर हनुमान प्रसाद का मोबाइल छीनने का प्रयास किया और लूटपाट करने लगे।हनुमान प्रसाद किसी तरह वहाँ से भाग निकले और उन्होंने देवी प्रसाद तथा अपने ट्रैक्टर ड्राइवर कौशल को फोन कर घटना की सूचना दिया।सूचना पाकर मौके पर पहुंचे देवी प्रसाद और कौशल ने संजय चौबे को पकड़ा तो संजय चौबे ने अपने साथियों के साथ मिलकर मारपीट शुरू कर दिया।मारपीट के दौरान संजय चौबे ने अपने पास रखे चाकू से देवी प्रसाद के गले पर वार कर दिया,जिससे देवी प्रसाद गंभीर रूप से घायल हो गये।उन्हे इलाज के लिए लखनऊ भर्ती कराया गया है।इसी मारपीट में संजय चौबे (23) गंभीर रूप से घायल हो गये थे।स्थानीय लोगों द्वारा उन्हें तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहाँ उनकी मौत हो गई।खरगूपुर थाने की पुलिस ने मृतक संजय चौबे का पोस्टमार्टम कराया है।पोस्टमार्टम रिपोर्ट में मौत का कारण स्पष्ट न होने के कारण बिसरा सुरक्षित कर जांच के लिए भेजा गया है।घायल देवी प्रसाद ने इस पूरी घटना को लेकर मृतक संजय चौबे, दीपक यादव और प्रशांत तिवारी के खिलाफ चाकू से हमला करने और थ्रेसर मालिक हनुमान प्रसाद के साथ लूटपाट करने का मुकदमा दर्ज कराया है।वहीं मृतक संजय चौबे के परिजनों द्वारा कोई तहरीर न दिये जाने पर खरगूपुर थाने की पुलिस ने स्वयं वादि बनकर देवी प्रसाद और अन्य अज्ञात व्यक्तियों के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज किया है।मृतक की मां राजपति ने बताया कि बड़े बेटे अजय का 27 अप्रैल को तिलक व 5 मई को शादी तय थी।छोटे बेटे संजय की मौत से घर में खुशी का माहौल मातम में बदल गया।वहीं क्षेत्राधिकारी नगर आनंद राय ने बताया कि मृतक की पहचान चौखड़िया गांव के संजय चौबे (23) के रुप में हुई है।उनके साथियों की पहचान परसरामपुर अहिरनपुरवा गांव के दीपक यादव व खनवापुर के प्रशांत तिवारी के रूप में हुई है।
प्रदेश सरकार ने 40 आईएएस अधिकारियों का किया तबादला, कई जिलों के डीएम बदले
लखनऊ । उत्तर प्रदेश सरकार ने देर रात बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए 40 आईएएस अधिकारियों के तबादले कर दिए हैं। इस व्यापक बदलाव में कई जिलों के जिलाधिकारियों (DM) को बदला गया है, जबकि कई अधिकारियों को अहम विभागों और संस्थानों की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
तबादलों के तहत उन्नाव के डीएम गौरांग राठी को झांसी का जिलाधिकारी बनाया गया है, जबकि इंद्रजीत सिंह को सुल्तानपुर का डीएम नियुक्त किया गया है। सुल्तानपुर के डीएम कुमार हर्ष को बुलंदशहर भेजा गया है।इसी क्रम में अन्नपूर्णा गर्ग को श्रावस्ती, आलोक यादव को शामली और अरविंद कुमार चौहान को सहारनपुर का जिलाधिकारी बनाया गया है। नितिन गौड़ को अमरोहा, अभिषेक गोयल को हमीरपुर और सरनीत कौर ब्रोका को रायबरेली का डीएम नियुक्त किया गया है।
अमरोहा की डीएम निधि गुप्ता वत्स को फतेहपुर, हमीरपुर के डीएम घनश्याम मीणा को उन्नाव और मैनपुरी के डीएम अंजनी कुमार सिंह को लखीमपुर खीरी भेजा गया है। औरैया के डीएम डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी को मैनपुरी, जबकि बृजेश कुमार को औरैया का डीएम बनाया गया है।
सहारनपुर के डीएम मनीष बंसल को आगरा का डीएम और आगरा के डीएम अरविंद मल्लप्पा बांगरी को मुख्यमंत्री का विशेष सचिव नियुक्त किया गया है।
ऊर्जा और पावर सेक्टर में भी बदलाव करते हुए नीतीश कुमार को उत्तर प्रदेश पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड का प्रबंध निदेशक बनाया गया है, जबकि बुलंदशहर की डीएम श्रुति को दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड (आगरा) का एमडी बनाया गया है।
प्रतीक्षारत आशुतोष निरंजन को परिवहन आयुक्त और किंजल सिंह को सचिव माध्यमिक शिक्षा बनाया गया है।
वहीं, लखीमपुर खीरी की डीएम दुर्गा शक्ति नागपाल को देवीपाटन मंडल का कमिश्नर बनाया गया है। शशि भूषण लाल सुशील को प्रमुख सचिव MSME एवं निर्यात प्रोत्साहन विभाग की जिम्मेदारी दी गई है।
फतेहपुर के डीएम रविंदर सिंह को विशेष सचिव ऊर्जा एवं अतिरिक्त ऊर्जा स्रोत, साथ ही यूपीनेडा और रिन्यूएबल एंड ईवी इंफ्रास्ट्रक्चर लिमिटेड का प्रबंध निदेशक बनाया गया है।
इसके अलावा झांसी के डीएम मृदुल चौधरी को पर्यटन विभाग में विशेष सचिव व निदेशक, श्रावस्ती के डीएम अश्वनी कुमार पांडे को निदेशक अल्पसंख्यक कल्याण, और रायबरेली की डीएम हर्षिता माथुर को बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग का निदेशक बनाया गया है।
प्रशासनिक स्तर पर अन्य फेरबदल में कई मुख्य विकास अधिकारियों (CDO) और संयुक्त मजिस्ट्रेट स्तर के अधिकारियों को भी नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं, जिससे जिला और विभागीय प्रशासन में व्यापक बदलाव देखने को मिलेगा।
आजमगढ़: बाब साहब के विचारों को आत्मसात करने की जरूरत - पूर्व सांसद, तहबरपुुुुर में मनाई गई अम्बेडकर जयंती
आजमगढ़ । रविवार को तहबरपुुुुर ब्लाक परिसर में अम्बेडकर जयंती मनाई गयी। लोगों ने ब्लाक मुख्यालय स्थित अम्बेडकर प्रतिमा पर माल्यार्पण पुष्पांजलि अर्पित किया।तत्पश्चात एक विचार गोष्ठी का आयोजन किया गया। गोष्ठी को संबोधित करते हुए पूर्व सांसद डाक्टर बलिराम ने कहा कि बाबा साहब डाक्टर भीमराव अम्बेडकर का स्पष्ट मानना था कि शिक्षा ही वह हथियार है जिसके बदौलत हम समाज की कुरीतियों जातिवाद और असमानता को मिटाकर भारत का नव निर्माण कर सकते हैं। उन्होंने ने कहा कि वे एक ऐसे भारत का निर्माण करना चाहते थे जहां समता स्वतंत्रता प्रेम और बंधुत्व का वास हो। हरिश्चंद्र गौतम ने कहा कि आज हमें बाबा साहब को केवल याद करने की नहीं समझने जरूरत है। उन्होंने ने कहा कि शिक्षा का महत्व समझना चाहिए । शिक्षा के बदौलत ही बाबा साहब ने हमें समाज में सम्मान पूर्वक जीने का अधिकार दिलाया। हम सदैव उनके आभारी रहेंगे। हमें समाज में भेदभाव को मिटाकर सबको साथ लेकर चलने की जरूरत है। ओंमकार शास्त्री ने कहा कि हमें बाबा साहेब को पढ़ने की जरूरत है।हम सब मिलकर उनके विचारों को अपनाएं और एक सशक्त, शिक्षित और एकजुट भारत का निर्माण करें। इस अवसर पर विनोद चौहान, राम पूजन, सनातन पटेल, ज्वाला प्रसाद, डाक्टर बाबू राम, ओमप्रकाश प्रजापति, , सागर राम आदि ने अपने विचार व्यक्त किया। डा0 राकेश ,रामजनम मौर्या, मुकेश कुमार , विजय कुमार ,नन्हकू प्रसाद ,सुनील कुमार गौतम, डा0 हंसराज गौतम, मो साकिर प्रधान , दीपक , दयाराम यादव , त्रिलोकी बौद्ध मो नैयर बेग , शेरबहादुर बौद्ध ,बृजलाल , पवन कुमार ,अरविंद कुमार एडोकेट ,महेंद्र प्रसाद, छोटेलाल ,गोपीचंद ,मुन्नी लाल सहित बड़ी संख्या में लोग मौजूद रहे। कार्यक्रम का संचालन चन्द्र शेखर ने किया। अमृत लाल ने आभार व्यक्त किया।
आजमगढ़: बीना पारा गांव में छत के ऊपर रख कर विद्युत केबल ले जाने से परिजन भयभीत
आजमगढ़। जनपद के बीना पारा गांव में विद्युत केबल छत के ऊपर रख कर ले जाने से खतरा बना हुआ है। जिसको लेकर किसी अनहोनी को लेकर परिजन संशकित है। निजामाबाद तहसील के मिर्जापुर विकास खण्ड में पड़ने वाले बीना पारा गांव में विद्युत आपूर्ति विद्युत उपकेंद्र मजीद पट्टी से होती है। लगभग एक पखवारा पूर्व विद्युत कर्मी असफाक अहमद,सोहराब अहमद व अंसार अहमद के छत के ऊपर रख विद्युत केबल ले गये है। विद्युत केबल ले धारा प्रवाहित हो रही है। जिससे किसी अनहोनी को लेकर परिजन संशकित है। पास ही जुमा मस्जिद है। मस्जिद के पास विद्युत केबल लटका हुआ है। उसी रास्ते से गांव के बच्चे पढ़ने जाते हैं। जो किसी दुर्घटना का कारण बना हुआ है। कांग्रेस कमेटी के मिर्जापुर ब्लाक अध्यक्ष मोहम्मद अजमल व उपाध्यक्ष संतलाल त्यागी ने बताया कि शिकायत के बावजूद विद्युत कर्मी ध्यान नहीं दें रहे है। उन्होंने ने बिजली विभाग के उच्चाधिकारियों का ध्यान आकृष्ट कराते विद्युत केबल छत को ऊपर से हटाने के साथ साथ लटके केबल को ठीक करायें जाने की मांग किया है।
डॉ. विनोद त्रिपाठी व ताजेंद्र बहादुर सिंह बड़गड़ी के नेतृत्व में निकली परशुराम शोभायात्रा
लालापुर से मनकामेश्वर धाम तक गूंजे जय परशुराम के नारे



विश्वनाथ प्रताप सिंह
प्रयागराज, लालापुर यमुनानगर क्षेत्र के बारा तहसील अंतर्गत ग्राम सभा डेरा बारी स्थित हनुमान मंदिर से रविवार सुबह लगभग ग्यारह बजे भगवान परशुराम जन्मोत्सव के अवसर पर भव्य शोभायात्रा निकाली गई। यह यात्रा लालापुर चौराहा होते हुए भटपुरा स्थित भगवान भोलेनाथ के प्रसिद्ध मनकामेश्वर धाम में जाकर संपन्न हुई। पूरे क्षेत्र में श्रद्धा, उत्साह और धार्मिक उल्लास का अद्भुत माहौल देखने को मिला।हिंदू धर्म में भगवान विष्णु के छठे अवतार के रूप में पूज्य भगवान परशुराम का जन्मोत्सव वैशाख मास के शुक्ल पक्ष की तृतीया तिथि को मनाया जाता है, जिसे अक्षय तृतीया के नाम से भी जाना जाता है। इसी पावन अवसर पर आयोजित इस शोभायात्रा ने क्षेत्र में धार्मिक ऊर्जा का संचार कर दिया। डेरा बारी से प्रारंभ होकर मनकामेश्वर धाम स्थित परशुराम मंदिर तक पहुंची इस यात्रा में सैकड़ों की संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। डॉ. विनोद त्रिपाठी (सावित्री नर्सिंग होम, शिवराजपुर) एवं वरिष्ठ समाजसेवी ताजेंद्र बहादुर सिंह बड़गड़ी की गरिमामयी उपस्थिति एवं अगुवाई ने कार्यक्रम को विशेष बना दिया। “जय परशुराम” के गगनभेदी नारों से पूरा इलाका गूंज उठा। डीजे, फोर व्हीलर और बाइक के साथ निकली यह यात्रा इतनी भव्य थी कि मानो स्वयं भगवान परशुराम धरती पर अवतरित हो गए हों। यात्रा के दौरान सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद रही। सहायक पुलिस आयुक्त बारा वेद व्यास मिश्रा के नेतृत्व में थाना प्रभारी लालापुर अनुभव सिंह, सब इंस्पेक्टर कौशलेंद्र, श्याम सुंदर, रामाश्रय यादव, रेखा, हेड कांस्टेबल राधा मोहन सहित पूरी पुलिस टीम मुस्तैद रही। प्रशासन की सतर्कता के चलते पूरे कार्यक्रम में कहीं भी कोई अप्रिय घटना नहीं हुई और शोभायात्रा शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराई गई। इस आयोजन में डॉ. विनोद त्रिपाठी ,ताजेंद्र बहादुर सिंह बड़गड़ी, ग्राम प्रधान भटपुरा शंकरलाल पांडे, समाजसेवी अनोद त्रिपाठी, विवेक शुक्ला (लाला) आशीष मिश्रा, विधायक प्रतिनिधि विजय निषाद उर्फ श्यामू निषाद अनोद त्रिपाठी, सतीश त्रिपाठी, नारायण सिंह,ओपी सिंह, हरी ओम द्विवेदी रवी सिंह सहित क्षेत्र के कई गणमान्य लोग मौजूद रहे। साथ ही बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिकों ने भी भागीदारी निभाई। कार्यक्रम की सफल और शांतिपूर्ण व्यवस्था को लेकर क्षेत्रवासियों ने पुलिस प्रशासन की कार्यशैली की खुलकर सराहना की। यह शोभायात्रा न केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक बनी, बल्कि सामाजिक एकता और प्रशासनिक कुशलता का भी सशक्त उदाहरण प्रस्तुत कर गई।