दिव्यांगजनों को तीन पहिया साइकिल एवं बैसाखियों का वितरण
मुंबई। महाराष्ट्र दिवस एवं मजदूर दिवस के अवसर पर भगवान महावीर विकलांग सहायता समिति, जयपुर तथा कोटक महिंद्रा बैंक के सहयोग से दिव्यांगजनों को तीन पहिया साइकिल एवं बैसाखियों का वितरण किया गया। यह कार्यक्रम रुग्ण साथी संस्था एवं साहस चैरिटेबल ट्रस्ट के संस्थापक एड. प्रफुल्ल नवार तथा रुग्ण मित्र विनोद साडविलकर की पहल पर शेठ चिमणलाल नथुराम हाईस्कूल, सांताक्रूज़ (पूर्व), मुंबई में आयोजित किया गया।
कार्यक्रम में प्रमुख अतिथि के रूप में राज्य के सांस्कृतिक कार्य मंत्री तथा मुंबई उपनगर जिले के पालकमंत्री आशिष शेलार उपस्थित रहे। उनके हाथों दिव्यांगजनों को तीन पहिया साइकिल एवं बैसाखियों का वितरण किया गया। इस अवसर पर सूचना का अधिकार कार्यकर्ता अनिल गलगली एवं डॉ. व्यास की विशेष उपस्थिति रही। साथ ही रुग्ण मित्र साथी जयश्री मोहितेनवार, रमेश चव्हाण, गोविंद मोरे, चारुदत्त पावसकर, गणेश पवार, दिनेश राणे, उदय साटम, नरसिंहराव होटगे, कमलेश साळकर, श्रद्धा अष्टीवकर, रुपाली कापसे, शशीप्रभा जाधव, एड. पूजा जाधव, हर्षल जाधव, रेहाना शेख, विपुल जैन, सलीम राज खान, इम्तियाज अली शेख तथा साहस चैरिटेबल ट्रस्ट के पदाधिकारी, शुभचिंतक एवं सहयोगी बड़ी संख्या में उपस्थित थे।
सामाजिक प्रतिबद्धता निभाते हुए दिव्यांगजनों को सहायता प्रदान करने वाला यह उपक्रम उत्कृष्ट नियोजन के साथ सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।
श्रीयज्ञ सैनी वैश्य हलवाई समाज का दहेज मुक्त सामूहिक विवाह समारोह का आयोजन 4 व 5 मई को
सामाजिक समरसता एवं एकता का संदेश देगा कार्यक्रम
फोटो अत्यावश्यक

रितेश मिश्रा
हरदोई।श्री यज्ञसेनी वैश्य (हलवाई) समाज जन कल्याण समिति के तत्वावधान में दहेज प्रथा के खिलाफ एक सराहनीय पहल करते हुए दहेज रहित आदर्श सामूहिक विवाह समारोह का आयोजन 4 मई 2026 सोमवार से 5 मई 2026,मंगलवार को तक आयोजित होगा।
समारोह का आयोजन आरआर इंटर कॉलेज, नघेटा रोड, हरदोई में किया जाएगा, जब कि इसका कार्यालय डी-286 आवास विकास कॉलोनी (बेलाताली के सामने), हरदोई में स्थापित किया गया है। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य समाज में दहेज प्रथा जैसी कुप्रथा को समाप्त करना तथा सरल और सादगीपूर्ण विवाह को बढ़ावा देना है।
समिति के वरिष्ठ संरक्षक नरेश चन्द्र ‘नन्हे’ एवं संयोजक मंडल के सदस्य कृपा शंकर गुप्ता, राम सेवक आर्य, रतन बाबू गुप्ता, राजेश गुप्ता,मुकेश गुप्ता सहित अन्य पदाधिकारियों ने बताया कि यह आयोजन समाज के आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के लिए विशेष रूप से सहायक सिद्ध होगा।
समिति के स्थायी सदस्यों में अनिल गुप्ता उपाध्यक्ष, विजय गुप्ता वरिष्ठ सलाहकार,रूपेश गुप्ता संप्रेक्षक, राजेंद्र कुमार आर्य बबलू उपाध्यक्ष,दिलीप कुमार गुप्ता उपाध्यक्ष, सर्वेश गुप्ता सह मंत्री,अमित कुमार गुप्ता "शीलू"  सह कोषाध्यक्ष,अभिनेष कुमार गुप्ता उपाध्यक्ष,नीरज कुमार गुप्ता व्यवस्था मंत्री, अरुणेश गुप्ता राजा भैया व्यवस्था मंत्री,
विमल कुमार गुप्ता व्यवस्था मंत्री, विश्वास कुमार गुप्ता प्रचार मंत्री, मुकेश कुमार गुप्ता व्यवस्था मंत्री,मनोज कुमार गुप्ता प्रचार मंत्री, अनूप कुमार गुप्ता व्यवस्था मंत्री सहित कई समाजसेवी सक्रिय रूप से कार्यक्रम की तैयारियों में जुटे हैं।
वहीं महिला मंडल की ओर से सुमन गुप्ता उपाध्यक्ष, रेखा गुप्ता कोष सहयोगी, प्रीति गुप्ता मंच संचालिका, बीनू गुप्ता मंत्री एवं ज्योति गुप्ता सह मंत्री, आयोजन को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।
समिति के अध्यक्ष विमलेश कुमार गुप्ता, वरिष्ठ उपाध्यक्ष संदीप गुप्ता, कोषाध्यक्ष नीरज गुप्ता एवं महामंत्री अमित कुमार गुप्ता ने समाज के सभी वर्गों से इस आयोजन में सहयोग एवं सहभागिता की अपील की है।
इस सामूहिक विवाह समारोह के माध्यम से आयोजकों का लक्ष्य न केवल दहेज प्रथा को समाप्त करने का है, बल्कि समाज में आपसी सहयोग, समानता और सादगीपूर्ण जीवन मूल्यों को भी बढ़ावा देना है।
अदालत ने दरोगा के विरुद्ध विभागीय कार्यवाही का दिया निर्देश,नामजद अभियुक्त को आरोपपत्र से निकालना पड़ा भारी
रितेश मिश्रा
हरदोई।  प्रथम सूचना रिपोर्ट में नामजद होने के बाद भी विवेचना के दौरान आरोपित को क्लीन चिट देकर आरोपपत्र से निकाल देने पर सीजेएम रिचा वर्मा ने इसे  दरोगा की लापरवाही और आरोपी को फायदा पहुंचाने का कृत्य मानते हुए उसके विरुद्ध  विभागीय कार्रवाई के लिए पुलिस अधीक्षक को निर्देशित किया है। इसके साथ ही नामजद अभियुक्त को अदालत में तलब कर लिया है।
प्राप्त विवरण के अनुसार वादी मुकदमा ने सांडी थाने में दर्ज कराई रिपोर्ट में कहा था कि उसके भाई नरेंद्र यादव निवासी कस्बा सांडी अपने गांव लाहौरी पुरवा को जा रहा था। रास्ते में तालाब के सामने गांव के ही शिशुपाल, पंकज कुमार ,अंकित कुमार , विपिन कुमार ने उसे घेरा और जान से मारने की धमकी दी और उसके भाई पर भाला से प्रहार करके उसे गंभीर चोटे पहुंचाई। इस मामले में विवेचक राकेश कुमार यादव ने विवेचना की और विवेचना के बाद विपिन कुमार की घटना में संलिप्त न पाए जाने के आधार पर उसके विरुद्ध चार्ज शीट दाखिल नहीं की। जबकि शेष तीन आरोपियों के खिलाफ ‌ चार्ज शीट दाखिल की। इस मामले पर संज्ञान लेते हुए सीजेएम ने कहा तत्कालीन विवेचक राकेश कुमार ने गैरकानूनी ढंग से विवेचना करते हुए न्याय की आधारशिला को चोट पहुंचाई है और सुप्रीम कोर्ट द्वारा जारी दिशा निर्देशों के आदेशों की अवहेलना की है। सीजे एम रिचा शर्मा ने इस मामले में आरोपी शिशुपाल ,पंकज कुमार ,अंकित व विपिन कुमार  चारों को अदालत में तलब किया है। पुलिस अधीक्षक को निर्देशित किया है कि इस मामले में तत्कालीन विवेचक और वर्तमान में लोनार थाना इंचार्ज राकेश कुमार के विरुद्ध विभागीय कार्रवाई सुनिश्चित करें और की गई कार्रवाई से 7 दिन के अंदर अदालत को जानकारी दें ।इस मामले की आदेश की प्रति पुलिस महानिदेशक को भी भेजने का आदेश दिया है।
बागरोदा में शंकर पट बैलगाड़ी प्रतियोगिता: परंपरा और संरक्षण का अनोखा संगम

60 किमी रफ्तार से दौड़े बैल, दर्शकों को किया रोमांचित

भोपाल (हुजूर विधानसभा)। ग्राम बागरोदा में आयोजित शंकर पट बैलगाड़ी प्रतियोगिता ने ग्रामीण संस्कृति और परंपरा की जीवंत झलक पेश की। प्रतियोगिता में क्षेत्रभर से आए प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया, जहां फाइनल राउंड में बैलों ने लगभग 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से दौड़ लगाकर दर्शकों को रोमांचित कर दिया।

प्रतियोगिता में ‘आमखो’ ने प्रथम स्थान हासिल किया, जबकि द्वितीय, तृतीय एवं चतुर्थ स्थान प्राप्त करने वाले प्रतिभागियों को भी पुरस्कृत किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में पूर्व जिला पंचायत सदस्य विष्णु विश्वकर्मा ने विजेताओं को पुरस्कार वितरित कर उनका उत्साहवर्धन किया।

इस आयोजन ने न केवल ग्रामीण खेल परंपराओं को जीवित रखने का संदेश दिया, बल्कि गौवंश संरक्षण के प्रति जागरूकता भी बढ़ाई। बैल प्रेमियों ने बताया कि ऐसे आयोजनों से पूर्वजों के संस्कार आज भी सजीव बने हुए हैं और पशुधन के प्रति सम्मान की भावना मजबूत होती है।

कार्यक्रम के दौरान इब्राहिम भाई, आशिक भाई, कमलेश विश्वकर्मा सहित अन्य ग्रामीणों ने बारिश के बाद भी आयोजन को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई और प्रतिभागियों का उत्साह बढ़ाया। बड़ी संख्या में उपस्थित दर्शकों ने प्रतियोगिता का आनंद लिया और आयोजन को सफल बनाया।

नन्हे कलाकारों ने मंच पर उतारी श्रमिकों की जिंदगी, भावुक हुआ पूरा सभागार

मेरठ। बहसूमा।
डी मोनफोर्ट अकादमी में आयोजित इंटर-क्लास प्रतियोगिता के तहत “A Day in Their Shoes” विषय पर एक प्रभावशाली नाट्य प्रस्तुति का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में कक्षा 6, 7 और 8 के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए अपने अभिनय कौशल से सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया।

नाटक के माध्यम से विद्यार्थियों ने समाज के विभिन्न वर्गों के जीवन के अंतर को बेहद संवेदनशीलता के साथ प्रस्तुत किया। उन्होंने दर्शाया कि जहाँ एक ओर कुछ लोगों का जीवन सुख-सुविधाओं से परिपूर्ण होता है, वहीं श्रमिक वर्ग को रोज़ाना कठिन परिश्रम, अभाव और संघर्ष का सामना करना पड़ता है। बच्चों का यह संदेश दर्शकों के दिलों को छू गया।

नन्हे कलाकारों के सशक्त और भावपूर्ण अभिनय ने उपस्थित लोगों को भावुक कर दिया। उनकी शानदार प्रस्तुति पर सभागार तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा।

कार्यक्रम की विशेष आकर्षण नर्सरी के बच्चे भी रहे, जो नर्स, किसान, नेता, सैनिक, माली और डॉक्टर की वेशभूषा में सजे-धजे नजर आए। उनकी मासूम प्रस्तुतियों ने कार्यक्रम में चार चाँद लगा दिए।

विद्यालय के प्रधानाचार्य डॉ. समीर वर्मा ने कहा कि इस प्रकार के आयोजन बच्चों में सामाजिक जागरूकता और संवेदनशीलता विकसित करने में सहायक होते हैं। निदेशिका डॉ. गरिमा वर्मा ने बच्चों के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि शिक्षा का उद्देश्य केवल ज्ञान देना नहीं, बल्कि संस्कार और सामाजिक समझ विकसित करना भी है।
निर्देशक डॉ. के.के. शर्मा ने कहा कि ऐसे कार्यक्रम बच्चों को समाज की वास्तविकताओं से रूबरू कराते हैं, जबकि उपप्रधानाचार्या श्रीमती रितु चिकारा ने बच्चों के उत्कृष्ट प्रदर्शन की प्रशंसा करते हुए उन्हें आगे भी इसी तरह उत्कृष्ट कार्य करने के लिए प्रेरित किया।

कार्यक्रम अत्यंत सफल, प्रेरणादायक और सामाजिक संदेश से ओत-प्रोत रहा।
देवघर- लू एवं गर्म हवाओं (हीट वेव) से बचाव को लेकर जिला स्तरीय कार्यशाला का आयोजन।
देवघर: सिविल सर्जन डॉ. रमेश कुमार के निर्देशानुसार लू एवं गर्म हवाओं (हीट वेव) से बचाव के लिए जिला स्तरीय कार्यशाला का आयोजन सदर अस्पताल, देवघर के सभागार में किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन जिला यक्ष्मा पदाधिकारी डॉ. संचयन द्वारा दीप प्रज्वलन कर विधिवत रूप से किया गया। आगे कार्यशाला के दौरान स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों एवं कर्मियों को लू से बचाव, उसके लक्षणों की पहचान तथा समय पर उपचार के संबंध में विस्तृत जानकारी प्रदान की गई। विशेषज्ञों ने बताया कि गर्मी के मौसम में विशेष सावधानी बरतना अत्यंत आवश्यक है, क्योंकि लू का प्रभाव स्वास्थ्य पर गंभीर पड़ सकता है। कार्यशाला में बताया गया कि अत्यधिक धूप में बाहर निकलने से बचें, सिर को ढककर रखें, हल्के रंग के ढीले सूती वस्त्र पहनें तथा अधिक से अधिक पानी एवं तरल पदार्थों का सेवन करें। इसके अलावा कार्यशाला में लू के लक्षण जैसे तेज बुखार, चक्कर आना, सिरदर्द, उल्टी, कमजोरी एवं बेहोशी के बारे में भी विस्तार से जानकारी दी गई। स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने बताया कि ऐसे लक्षण दिखने पर तुरंत छायादार स्थान पर आराम करें, शरीर को ठंडा रखें तथा आवश्यकतानुसार नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र में चिकित्सकीय सहायता लें। कार्यक्रम में उपस्थित जिला आरसीएच पदाधिकारी डॉ. के. के. सिंह, डीएलओ डॉ. मनोज गुप्ता एवं अन्य अधिकारियों ने भी अपने विचार साझा करते हुए कहा कि लू से बचाव के लिए जागरूकता ही सबसे बड़ा उपाय है। उन्होंने सभी स्वास्थ्यकर्मियों एवं शहरी सहियाओं से अपील की कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में जाकर आम जनता को जागरूक करें तथा विशेष रूप से बच्चों, बुजुर्गों एवं बीमार व्यक्तियों का ध्यान रखें। इस अवसर पर डीपीसी प्रवीण सिंह, राजेश, सुधांशु पाण्डेय, शंकर दयाल, कासिम अंसारी सहित बड़ी संख्या में शहरी सहिया एवं स्वास्थ्य कर्मी उपस्थित रहे। सभी ने मिलकर लू से बचाव के लिए जन-जागरूकता अभियान को प्रभावी रूप से संचालित करने का संकल्प लिया। कार्यक्रम का समापन धन्यवाद ज्ञापन के साथ किया गया, जिसमें सभी प्रतिभागियों को उनके सक्रिय सहयोग के लिए आभार व्यक्त किया गया।
देवघर-राजकीय श्रावणी मेला, 2026 को लेकर की जाने वाली विभागीय कार्यों की उपायुक्त ने की विस्तृत समीक्षा।
देवघर: उपायुक्त-सह-जिला दण्डाधिकारी शशि प्रकाश सिंह की अध्यक्षता में आज 02 मई 2026 को आगामी राजकीय श्रावणी मेला, 2026 के दौरान की जाने वाली तैयारियों को लेकर समीक्षा बैठक का आयोजन समाहरणालय सभागार में किया गया। इस दौरान उपायुक्त ने श्रावणी मेला के दौरान देवतुल्य श्रद्धालुओं की सुविधा हेतु विभागवार किये जाने वाले कार्यों की बिन्दुवार समीक्षा करते हुए कार्य योजना तैयार कर उपायुक्त कार्यालय को समर्पित करने का निर्देश दिया। इसके अलावे बैठक के दौरान उपायुक्त शशि प्रकाश सिंह ने कहा कि राजकीय श्रावणी मेला के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु देश-विदेश बाबा बैद्यनाथधाम पहुचेंगे। ऐसे में श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी या समस्याओं का सामना न करना पड़े। इस बात का विशेष रूप से ध्यान रखें। वहीं विभागों की बिन्दुवार समीक्षा के क्रम में उपायुक्त ने संबंधित विभाग के अधिकारियों को निदेशित किया कि मेला के दौरान श्रद्धालुओं के लिए अपने-अपने विभागों द्वारा की जाने वाली व्यवस्थाओं यथा कांवरिया पथ महीन बालू बिछाव, विद्युत व्यवस्था, मेडिकल सुविधा, साफ-सफाई, आवासन, रुटलाइन में पंडाल निर्माण, पेयजल, शौचालय, स्नानगृह, साज-सज्जा कार्य आदि को और भी बेहतर बनाने का हर संभव प्रयास करें, ताकि देवतुल्य श्रद्धालु बाबा नगरी से एक अच्छी अनुभूति लेकर अपने गंतव्य स्थान की प्रस्थान करें। इसके अलावे उपायुक्त ने संबंधित विभाग के सभी अधिकारियों व कार्यपालक अभियंता को निदेशित किया गया कि अभी से हीं श्रावणी मेले की तैयारियों में जुट जायें, ताकि मेले की व्यवस्था में किसी प्रकार की कमी न रह जाय। साथ हीं उन्होंने कहा कि सभी अपने-अपने विभाग को अभी से हीं पत्राचार कर मेले से जुड़ी आवंटन राशि की कमी को पूरा कर लें। उन्होंने सभी विभागों को आपसी सामंजश बिठाकर कार्य करने का निदेश दिया गया, जिससे कि श्रावणी मेले में आए हुए सभी श्रद्धालुओं को देवनगरी आने की एक अच्छी अनुभूति मिल सके। आगे उपायुक्त ने श्रावणी मेला, 2026 को लेकर संबंधित विभाग के अधिकारियों को एक्शन प्लान तैयार कर उपायुक्त कार्यालय को समर्पित करने का निर्देश दिया। साथ ही श्रावणी मेला के आयोजन को लेकर किए जाने वाले विभिन्न कार्यों की समीक्षा करते हुए श्रद्धालुओं की सुविधा को और भी बेहतर करने की दिशा में कार्य करने का निर्देश दिया।   बैठक के दौरान उपायुक्त ने कहा कि श्रावणी मेले में सुरक्षा, स्वच्छता, विश्राम, पेयजल, बिजली ,पानी, शौचालय, स्नानागार, यातायात और स्वास्थ्य से संबंधित सारी व्यवस्थाएं पुख्ता होनी चाहिए। इसके लिए सभी विभाग आपस में समन्वय बनाकर तैयारियों को ससमय अंतिम रूप दें, ताकि मेला के दौरान देवतुल्य श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो। आगे उपायुक्त ने बाबा मंदिर प्रांगण व आसपास के क्षेत्रों में विद्युत व्यवस्था, बिजली के तारों को सुरक्षित और व्यवस्थित करने का निर्देश दिया। साथ ही श्रद्धालुओं की सुरक्षा को देखते हुए दुम्मा बॉर्डर से कांवरिया पथ में आने वाले बिजली के पोल को ससमय शिफ्ट करने का निर्देश दिया। बैठक में उपरोक्त के अलावे उप विकास आयुक्त पीयूष सिन्हा, नगर आयुक्त  रोहित सिन्हा, अपर समाहर्ता हीरा कुमार, मंदिर प्रभारी-सह-अनुमंडल पदाधिकारी देवघर रवि कुमार, सिविल सर्जन, जिला परिवहन पदाधिकारी, जिला नजारत उप समाहर्ता, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, जिला खेल पदाधिकारी, कार्यपालक अभियन्ता विद्युत आपूर्ति प्रमंडल, कार्यपालक अभियन्ता विद्युत संचरण प्रमंडल, कार्यपालक अभियन्ता पथ प्रमंडल, कार्यपालक अभियन्ता पेयजल एवं स्वच्छता प्रमंडल, कार्यपालक अभियन्ता ग्रामीण विकास विशेष प्रमंडल, कार्यपालक अभियन्ता राष्ट्रीय ग्रामीण नियोजन कार्यक्रम, सहायक जनसंपर्क पदाधिकारी एवं संबंधित विभाग के अधिकारी, कर्मी व डीएमएफटी की टीम उपस्थित थे।
मार्केट बंद होने में दो कानून नहीं चलेगा, पुलिस को सख्‍ती से अंकुश लगाना आवश्‍यक : आलोक शर्मा


सांसद ने कहा - भोपाल वक्फ की जागीर नहीं

सांसद आलोक शर्मा ने पुलिस आयुक्त से की मुलाकात

भोपाल। सांसद आलोक शर्मा ने कहा कि भोपाल में मार्केट बंद होने के दो कानून प्रचलित है, जिस पर पुलिस को सख्ती से अंकुश लगाना चाहिए। उन्होंने कहा पुराने भोपाल शहर में रातभर दुकानें खुली रहती है, जहां पर आपराधिक गतिविधियों को बल मिलता है। उन्होंने कहा कि ईश्वर ने रात सोने के लिए बनाई है। घर पर अब्बू, अम्मी इंतजार करते हैं कि बेटा आएगा और हमें दवाई देगा लेकिन बेटा तो रातभर बिरयानी की दुकान और मार्केट में ही बिताता है। ये चिंता आज कई परिवारों की है। युवा गलत रास्ता अपना लेते हैं। शनिवार को सांसद आलोक शर्मा ने भोपाल पुलिस कमिश्नर संजय कुमार से मुलाकात कर उन्हें इस आशय का एक पत्र सौंपा है जिसमें भोपाल के सभी मार्केट एक समय पर बंद करने का आग्रह किया है। ज्ञात रहे सांसद शर्मा पूर्व में भी कई बार ये मुद्दा उठाते रहे हैं लेकिन पुलिस की सख्ती न होने के कारण आज भी व्यवस्था वैसी ही है। सांसद शर्मा ने पुलिस आयुक्त से मुलाकात के दौरान बताया कि अभी भोपाल शहर में दो कानून प्रचलित हैं, न्यू मार्केट, एमपी नगर, संत हिरदाराम नगर, बीएचईएल बरखेड़ा, इंद्रपुरी सोनागिरि, 6 नंबर मार्केट, 10 नंबर मार्केट, लखेरापुरा, सराफा चौक आदि रात में 10 बजे तक बंद हो जाते हैं। जबकि पुराने भोपाल शहर के मार्केट्स काजीकैंप, लक्ष्मी टॉकीज, बसस्टैंड, रेलवे स्टेशन, रॉयल मार्केट जीपीओ, इमामी गेट, राजू टी-स्टाल, जिंसी-जहांगीराबाद, सब्बन चौराहा, इतवारा, बुधवारा में दुकानें रातभर खुली रहती हैं जिससे आपराधिक गतिविधियों को बल मिलता है और शहर की कानून व्यवस्था बिगड़ती है। सांसद शर्मा को पुलिस आयुक्त संजय कुमार ने शहर के सभी मार्केट्स एक समय पर बंद कराने की कार्यवाही सुनिश्चित कराने का आश्वासन दिया है।

* भोपाल वक्फ की जागीर नहीं

मीडिया के सवालों का जवाब देते हुए सांसद आलोक शर्मा ने कहा कि भोपाल वक्फ की जागीर नहीं है। शहर में कहीं भी डेवलपमेंट के काम करने जाएं तो खड़े हो जाते हैं कि यह वक्फ की जमीन है। महापौर रहते जब हम पॉलिटेक्निक से भारत माता चौराहे तक स्मार्ट रोड बनाने गए तो रोड़ा अटकाया। बोले कि यह वक्फ की जमीन है जबकि आज वहां स्मार्ट रोड बन जाने के बाद मुसलमान भी उस रोड पर निकलता है, हिंदू भी उस पर रोड पर निकलता है, सभी वर्ग के लोग उस स्मार्ट रोड का उपयोग करते हैं। इसी प्रकार श्यामला हिल्स पर मानस भवन के पीछे की झुग्गियां का हटाने का मामला भी है। वहां पर प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत सभी को आवास का पैसा जमा किया गया है। किसी को बेघर नहीं किया जाएगा लेकिन शहर के अंदर सरकारी जमीन पर किसी को भी अतिक्रमण करने की इजाजत नहीं दी जाएगी। वक्फ के नाम पर किसी को भी अवैध कब्जा नहीं करने दिया जाएगा।

पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद से मिले आचार्य पवन त्रिपाठी

नई दिल्ली। श्री सिद्धिविनायक मंदिर न्यास के कोषाध्यक्ष तथा मुंबई भाजपा के महामंत्री आचार्य पवन त्रिपाठी ने आज नई दिल्ली में पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद से शिष्टाचार मुलाकात की। आचार्य पवन त्रिपाठी ने पुष्प गुच्छ देकर  पूर्व राष्ट्रपति का सम्मान किया। दोनों लोगों के बीच काफी देर तक अध्यात्म तथा राजनीति पर चर्चा हुई। आचार्य त्रिपाठी ने उन्हें श्री सिद्धिविनायक मंदिर आने का निमंत्रण दिया, जिसे उन्होंने सहर्ष स्वीकार कर लिया।
पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद से मिले आचार्य पवन त्रिपाठी

नई दिल्ली। श्री सिद्धिविनायक मंदिर न्यास के कोषाध्यक्ष तथा मुंबई भाजपा के महामंत्री आचार्य पवन त्रिपाठी ने आज नई दिल्ली में पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद से शिष्टाचार मुलाकात की। आचार्य पवन त्रिपाठी ने पुष्प गुच्छ देकर  पूर्व राष्ट्रपति का सम्मान किया। दोनों लोगों के बीच काफी देर तक अध्यात्म तथा राजनीति पर चर्चा हुई। आचार्य त्रिपाठी ने उन्हें श्री सिद्धिविनायक मंदिर आने का निमंत्रण दिया, जिसे उन्होंने सहर्ष स्वीकार कर लिया।
दिव्यांगजनों को तीन पहिया साइकिल एवं बैसाखियों का वितरण
मुंबई। महाराष्ट्र दिवस एवं मजदूर दिवस के अवसर पर भगवान महावीर विकलांग सहायता समिति, जयपुर तथा कोटक महिंद्रा बैंक के सहयोग से दिव्यांगजनों को तीन पहिया साइकिल एवं बैसाखियों का वितरण किया गया। यह कार्यक्रम रुग्ण साथी संस्था एवं साहस चैरिटेबल ट्रस्ट के संस्थापक एड. प्रफुल्ल नवार तथा रुग्ण मित्र विनोद साडविलकर की पहल पर शेठ चिमणलाल नथुराम हाईस्कूल, सांताक्रूज़ (पूर्व), मुंबई में आयोजित किया गया।
कार्यक्रम में प्रमुख अतिथि के रूप में राज्य के सांस्कृतिक कार्य मंत्री तथा मुंबई उपनगर जिले के पालकमंत्री आशिष शेलार उपस्थित रहे। उनके हाथों दिव्यांगजनों को तीन पहिया साइकिल एवं बैसाखियों का वितरण किया गया। इस अवसर पर सूचना का अधिकार कार्यकर्ता अनिल गलगली एवं डॉ. व्यास की विशेष उपस्थिति रही। साथ ही रुग्ण मित्र साथी जयश्री मोहितेनवार, रमेश चव्हाण, गोविंद मोरे, चारुदत्त पावसकर, गणेश पवार, दिनेश राणे, उदय साटम, नरसिंहराव होटगे, कमलेश साळकर, श्रद्धा अष्टीवकर, रुपाली कापसे, शशीप्रभा जाधव, एड. पूजा जाधव, हर्षल जाधव, रेहाना शेख, विपुल जैन, सलीम राज खान, इम्तियाज अली शेख तथा साहस चैरिटेबल ट्रस्ट के पदाधिकारी, शुभचिंतक एवं सहयोगी बड़ी संख्या में उपस्थित थे।
सामाजिक प्रतिबद्धता निभाते हुए दिव्यांगजनों को सहायता प्रदान करने वाला यह उपक्रम उत्कृष्ट नियोजन के साथ सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।
श्रीयज्ञ सैनी वैश्य हलवाई समाज का दहेज मुक्त सामूहिक विवाह समारोह का आयोजन 4 व 5 मई को
सामाजिक समरसता एवं एकता का संदेश देगा कार्यक्रम
फोटो अत्यावश्यक

रितेश मिश्रा
हरदोई।श्री यज्ञसेनी वैश्य (हलवाई) समाज जन कल्याण समिति के तत्वावधान में दहेज प्रथा के खिलाफ एक सराहनीय पहल करते हुए दहेज रहित आदर्श सामूहिक विवाह समारोह का आयोजन 4 मई 2026 सोमवार से 5 मई 2026,मंगलवार को तक आयोजित होगा।
समारोह का आयोजन आरआर इंटर कॉलेज, नघेटा रोड, हरदोई में किया जाएगा, जब कि इसका कार्यालय डी-286 आवास विकास कॉलोनी (बेलाताली के सामने), हरदोई में स्थापित किया गया है। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य समाज में दहेज प्रथा जैसी कुप्रथा को समाप्त करना तथा सरल और सादगीपूर्ण विवाह को बढ़ावा देना है।
समिति के वरिष्ठ संरक्षक नरेश चन्द्र ‘नन्हे’ एवं संयोजक मंडल के सदस्य कृपा शंकर गुप्ता, राम सेवक आर्य, रतन बाबू गुप्ता, राजेश गुप्ता,मुकेश गुप्ता सहित अन्य पदाधिकारियों ने बताया कि यह आयोजन समाज के आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के लिए विशेष रूप से सहायक सिद्ध होगा।
समिति के स्थायी सदस्यों में अनिल गुप्ता उपाध्यक्ष, विजय गुप्ता वरिष्ठ सलाहकार,रूपेश गुप्ता संप्रेक्षक, राजेंद्र कुमार आर्य बबलू उपाध्यक्ष,दिलीप कुमार गुप्ता उपाध्यक्ष, सर्वेश गुप्ता सह मंत्री,अमित कुमार गुप्ता "शीलू"  सह कोषाध्यक्ष,अभिनेष कुमार गुप्ता उपाध्यक्ष,नीरज कुमार गुप्ता व्यवस्था मंत्री, अरुणेश गुप्ता राजा भैया व्यवस्था मंत्री,
विमल कुमार गुप्ता व्यवस्था मंत्री, विश्वास कुमार गुप्ता प्रचार मंत्री, मुकेश कुमार गुप्ता व्यवस्था मंत्री,मनोज कुमार गुप्ता प्रचार मंत्री, अनूप कुमार गुप्ता व्यवस्था मंत्री सहित कई समाजसेवी सक्रिय रूप से कार्यक्रम की तैयारियों में जुटे हैं।
वहीं महिला मंडल की ओर से सुमन गुप्ता उपाध्यक्ष, रेखा गुप्ता कोष सहयोगी, प्रीति गुप्ता मंच संचालिका, बीनू गुप्ता मंत्री एवं ज्योति गुप्ता सह मंत्री, आयोजन को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।
समिति के अध्यक्ष विमलेश कुमार गुप्ता, वरिष्ठ उपाध्यक्ष संदीप गुप्ता, कोषाध्यक्ष नीरज गुप्ता एवं महामंत्री अमित कुमार गुप्ता ने समाज के सभी वर्गों से इस आयोजन में सहयोग एवं सहभागिता की अपील की है।
इस सामूहिक विवाह समारोह के माध्यम से आयोजकों का लक्ष्य न केवल दहेज प्रथा को समाप्त करने का है, बल्कि समाज में आपसी सहयोग, समानता और सादगीपूर्ण जीवन मूल्यों को भी बढ़ावा देना है।
अदालत ने दरोगा के विरुद्ध विभागीय कार्यवाही का दिया निर्देश,नामजद अभियुक्त को आरोपपत्र से निकालना पड़ा भारी
रितेश मिश्रा
हरदोई।  प्रथम सूचना रिपोर्ट में नामजद होने के बाद भी विवेचना के दौरान आरोपित को क्लीन चिट देकर आरोपपत्र से निकाल देने पर सीजेएम रिचा वर्मा ने इसे  दरोगा की लापरवाही और आरोपी को फायदा पहुंचाने का कृत्य मानते हुए उसके विरुद्ध  विभागीय कार्रवाई के लिए पुलिस अधीक्षक को निर्देशित किया है। इसके साथ ही नामजद अभियुक्त को अदालत में तलब कर लिया है।
प्राप्त विवरण के अनुसार वादी मुकदमा ने सांडी थाने में दर्ज कराई रिपोर्ट में कहा था कि उसके भाई नरेंद्र यादव निवासी कस्बा सांडी अपने गांव लाहौरी पुरवा को जा रहा था। रास्ते में तालाब के सामने गांव के ही शिशुपाल, पंकज कुमार ,अंकित कुमार , विपिन कुमार ने उसे घेरा और जान से मारने की धमकी दी और उसके भाई पर भाला से प्रहार करके उसे गंभीर चोटे पहुंचाई। इस मामले में विवेचक राकेश कुमार यादव ने विवेचना की और विवेचना के बाद विपिन कुमार की घटना में संलिप्त न पाए जाने के आधार पर उसके विरुद्ध चार्ज शीट दाखिल नहीं की। जबकि शेष तीन आरोपियों के खिलाफ ‌ चार्ज शीट दाखिल की। इस मामले पर संज्ञान लेते हुए सीजेएम ने कहा तत्कालीन विवेचक राकेश कुमार ने गैरकानूनी ढंग से विवेचना करते हुए न्याय की आधारशिला को चोट पहुंचाई है और सुप्रीम कोर्ट द्वारा जारी दिशा निर्देशों के आदेशों की अवहेलना की है। सीजे एम रिचा शर्मा ने इस मामले में आरोपी शिशुपाल ,पंकज कुमार ,अंकित व विपिन कुमार  चारों को अदालत में तलब किया है। पुलिस अधीक्षक को निर्देशित किया है कि इस मामले में तत्कालीन विवेचक और वर्तमान में लोनार थाना इंचार्ज राकेश कुमार के विरुद्ध विभागीय कार्रवाई सुनिश्चित करें और की गई कार्रवाई से 7 दिन के अंदर अदालत को जानकारी दें ।इस मामले की आदेश की प्रति पुलिस महानिदेशक को भी भेजने का आदेश दिया है।
बागरोदा में शंकर पट बैलगाड़ी प्रतियोगिता: परंपरा और संरक्षण का अनोखा संगम

60 किमी रफ्तार से दौड़े बैल, दर्शकों को किया रोमांचित

भोपाल (हुजूर विधानसभा)। ग्राम बागरोदा में आयोजित शंकर पट बैलगाड़ी प्रतियोगिता ने ग्रामीण संस्कृति और परंपरा की जीवंत झलक पेश की। प्रतियोगिता में क्षेत्रभर से आए प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया, जहां फाइनल राउंड में बैलों ने लगभग 60 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से दौड़ लगाकर दर्शकों को रोमांचित कर दिया।

प्रतियोगिता में ‘आमखो’ ने प्रथम स्थान हासिल किया, जबकि द्वितीय, तृतीय एवं चतुर्थ स्थान प्राप्त करने वाले प्रतिभागियों को भी पुरस्कृत किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में पूर्व जिला पंचायत सदस्य विष्णु विश्वकर्मा ने विजेताओं को पुरस्कार वितरित कर उनका उत्साहवर्धन किया।

इस आयोजन ने न केवल ग्रामीण खेल परंपराओं को जीवित रखने का संदेश दिया, बल्कि गौवंश संरक्षण के प्रति जागरूकता भी बढ़ाई। बैल प्रेमियों ने बताया कि ऐसे आयोजनों से पूर्वजों के संस्कार आज भी सजीव बने हुए हैं और पशुधन के प्रति सम्मान की भावना मजबूत होती है।

कार्यक्रम के दौरान इब्राहिम भाई, आशिक भाई, कमलेश विश्वकर्मा सहित अन्य ग्रामीणों ने बारिश के बाद भी आयोजन को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई और प्रतिभागियों का उत्साह बढ़ाया। बड़ी संख्या में उपस्थित दर्शकों ने प्रतियोगिता का आनंद लिया और आयोजन को सफल बनाया।

नन्हे कलाकारों ने मंच पर उतारी श्रमिकों की जिंदगी, भावुक हुआ पूरा सभागार

मेरठ। बहसूमा।
डी मोनफोर्ट अकादमी में आयोजित इंटर-क्लास प्रतियोगिता के तहत “A Day in Their Shoes” विषय पर एक प्रभावशाली नाट्य प्रस्तुति का आयोजन किया गया। इस कार्यक्रम में कक्षा 6, 7 और 8 के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए अपने अभिनय कौशल से सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया।

नाटक के माध्यम से विद्यार्थियों ने समाज के विभिन्न वर्गों के जीवन के अंतर को बेहद संवेदनशीलता के साथ प्रस्तुत किया। उन्होंने दर्शाया कि जहाँ एक ओर कुछ लोगों का जीवन सुख-सुविधाओं से परिपूर्ण होता है, वहीं श्रमिक वर्ग को रोज़ाना कठिन परिश्रम, अभाव और संघर्ष का सामना करना पड़ता है। बच्चों का यह संदेश दर्शकों के दिलों को छू गया।

नन्हे कलाकारों के सशक्त और भावपूर्ण अभिनय ने उपस्थित लोगों को भावुक कर दिया। उनकी शानदार प्रस्तुति पर सभागार तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा।

कार्यक्रम की विशेष आकर्षण नर्सरी के बच्चे भी रहे, जो नर्स, किसान, नेता, सैनिक, माली और डॉक्टर की वेशभूषा में सजे-धजे नजर आए। उनकी मासूम प्रस्तुतियों ने कार्यक्रम में चार चाँद लगा दिए।

विद्यालय के प्रधानाचार्य डॉ. समीर वर्मा ने कहा कि इस प्रकार के आयोजन बच्चों में सामाजिक जागरूकता और संवेदनशीलता विकसित करने में सहायक होते हैं। निदेशिका डॉ. गरिमा वर्मा ने बच्चों के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि शिक्षा का उद्देश्य केवल ज्ञान देना नहीं, बल्कि संस्कार और सामाजिक समझ विकसित करना भी है।
निर्देशक डॉ. के.के. शर्मा ने कहा कि ऐसे कार्यक्रम बच्चों को समाज की वास्तविकताओं से रूबरू कराते हैं, जबकि उपप्रधानाचार्या श्रीमती रितु चिकारा ने बच्चों के उत्कृष्ट प्रदर्शन की प्रशंसा करते हुए उन्हें आगे भी इसी तरह उत्कृष्ट कार्य करने के लिए प्रेरित किया।

कार्यक्रम अत्यंत सफल, प्रेरणादायक और सामाजिक संदेश से ओत-प्रोत रहा।
देवघर- लू एवं गर्म हवाओं (हीट वेव) से बचाव को लेकर जिला स्तरीय कार्यशाला का आयोजन।
देवघर: सिविल सर्जन डॉ. रमेश कुमार के निर्देशानुसार लू एवं गर्म हवाओं (हीट वेव) से बचाव के लिए जिला स्तरीय कार्यशाला का आयोजन सदर अस्पताल, देवघर के सभागार में किया गया। कार्यक्रम का उद्घाटन जिला यक्ष्मा पदाधिकारी डॉ. संचयन द्वारा दीप प्रज्वलन कर विधिवत रूप से किया गया। आगे कार्यशाला के दौरान स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों एवं कर्मियों को लू से बचाव, उसके लक्षणों की पहचान तथा समय पर उपचार के संबंध में विस्तृत जानकारी प्रदान की गई। विशेषज्ञों ने बताया कि गर्मी के मौसम में विशेष सावधानी बरतना अत्यंत आवश्यक है, क्योंकि लू का प्रभाव स्वास्थ्य पर गंभीर पड़ सकता है। कार्यशाला में बताया गया कि अत्यधिक धूप में बाहर निकलने से बचें, सिर को ढककर रखें, हल्के रंग के ढीले सूती वस्त्र पहनें तथा अधिक से अधिक पानी एवं तरल पदार्थों का सेवन करें। इसके अलावा कार्यशाला में लू के लक्षण जैसे तेज बुखार, चक्कर आना, सिरदर्द, उल्टी, कमजोरी एवं बेहोशी के बारे में भी विस्तार से जानकारी दी गई। स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने बताया कि ऐसे लक्षण दिखने पर तुरंत छायादार स्थान पर आराम करें, शरीर को ठंडा रखें तथा आवश्यकतानुसार नजदीकी स्वास्थ्य केंद्र में चिकित्सकीय सहायता लें। कार्यक्रम में उपस्थित जिला आरसीएच पदाधिकारी डॉ. के. के. सिंह, डीएलओ डॉ. मनोज गुप्ता एवं अन्य अधिकारियों ने भी अपने विचार साझा करते हुए कहा कि लू से बचाव के लिए जागरूकता ही सबसे बड़ा उपाय है। उन्होंने सभी स्वास्थ्यकर्मियों एवं शहरी सहियाओं से अपील की कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में जाकर आम जनता को जागरूक करें तथा विशेष रूप से बच्चों, बुजुर्गों एवं बीमार व्यक्तियों का ध्यान रखें। इस अवसर पर डीपीसी प्रवीण सिंह, राजेश, सुधांशु पाण्डेय, शंकर दयाल, कासिम अंसारी सहित बड़ी संख्या में शहरी सहिया एवं स्वास्थ्य कर्मी उपस्थित रहे। सभी ने मिलकर लू से बचाव के लिए जन-जागरूकता अभियान को प्रभावी रूप से संचालित करने का संकल्प लिया। कार्यक्रम का समापन धन्यवाद ज्ञापन के साथ किया गया, जिसमें सभी प्रतिभागियों को उनके सक्रिय सहयोग के लिए आभार व्यक्त किया गया।
देवघर-राजकीय श्रावणी मेला, 2026 को लेकर की जाने वाली विभागीय कार्यों की उपायुक्त ने की विस्तृत समीक्षा।
देवघर: उपायुक्त-सह-जिला दण्डाधिकारी शशि प्रकाश सिंह की अध्यक्षता में आज 02 मई 2026 को आगामी राजकीय श्रावणी मेला, 2026 के दौरान की जाने वाली तैयारियों को लेकर समीक्षा बैठक का आयोजन समाहरणालय सभागार में किया गया। इस दौरान उपायुक्त ने श्रावणी मेला के दौरान देवतुल्य श्रद्धालुओं की सुविधा हेतु विभागवार किये जाने वाले कार्यों की बिन्दुवार समीक्षा करते हुए कार्य योजना तैयार कर उपायुक्त कार्यालय को समर्पित करने का निर्देश दिया। इसके अलावे बैठक के दौरान उपायुक्त शशि प्रकाश सिंह ने कहा कि राजकीय श्रावणी मेला के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु देश-विदेश बाबा बैद्यनाथधाम पहुचेंगे। ऐसे में श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की परेशानी या समस्याओं का सामना न करना पड़े। इस बात का विशेष रूप से ध्यान रखें। वहीं विभागों की बिन्दुवार समीक्षा के क्रम में उपायुक्त ने संबंधित विभाग के अधिकारियों को निदेशित किया कि मेला के दौरान श्रद्धालुओं के लिए अपने-अपने विभागों द्वारा की जाने वाली व्यवस्थाओं यथा कांवरिया पथ महीन बालू बिछाव, विद्युत व्यवस्था, मेडिकल सुविधा, साफ-सफाई, आवासन, रुटलाइन में पंडाल निर्माण, पेयजल, शौचालय, स्नानगृह, साज-सज्जा कार्य आदि को और भी बेहतर बनाने का हर संभव प्रयास करें, ताकि देवतुल्य श्रद्धालु बाबा नगरी से एक अच्छी अनुभूति लेकर अपने गंतव्य स्थान की प्रस्थान करें। इसके अलावे उपायुक्त ने संबंधित विभाग के सभी अधिकारियों व कार्यपालक अभियंता को निदेशित किया गया कि अभी से हीं श्रावणी मेले की तैयारियों में जुट जायें, ताकि मेले की व्यवस्था में किसी प्रकार की कमी न रह जाय। साथ हीं उन्होंने कहा कि सभी अपने-अपने विभाग को अभी से हीं पत्राचार कर मेले से जुड़ी आवंटन राशि की कमी को पूरा कर लें। उन्होंने सभी विभागों को आपसी सामंजश बिठाकर कार्य करने का निदेश दिया गया, जिससे कि श्रावणी मेले में आए हुए सभी श्रद्धालुओं को देवनगरी आने की एक अच्छी अनुभूति मिल सके। आगे उपायुक्त ने श्रावणी मेला, 2026 को लेकर संबंधित विभाग के अधिकारियों को एक्शन प्लान तैयार कर उपायुक्त कार्यालय को समर्पित करने का निर्देश दिया। साथ ही श्रावणी मेला के आयोजन को लेकर किए जाने वाले विभिन्न कार्यों की समीक्षा करते हुए श्रद्धालुओं की सुविधा को और भी बेहतर करने की दिशा में कार्य करने का निर्देश दिया।   बैठक के दौरान उपायुक्त ने कहा कि श्रावणी मेले में सुरक्षा, स्वच्छता, विश्राम, पेयजल, बिजली ,पानी, शौचालय, स्नानागार, यातायात और स्वास्थ्य से संबंधित सारी व्यवस्थाएं पुख्ता होनी चाहिए। इसके लिए सभी विभाग आपस में समन्वय बनाकर तैयारियों को ससमय अंतिम रूप दें, ताकि मेला के दौरान देवतुल्य श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो। आगे उपायुक्त ने बाबा मंदिर प्रांगण व आसपास के क्षेत्रों में विद्युत व्यवस्था, बिजली के तारों को सुरक्षित और व्यवस्थित करने का निर्देश दिया। साथ ही श्रद्धालुओं की सुरक्षा को देखते हुए दुम्मा बॉर्डर से कांवरिया पथ में आने वाले बिजली के पोल को ससमय शिफ्ट करने का निर्देश दिया। बैठक में उपरोक्त के अलावे उप विकास आयुक्त पीयूष सिन्हा, नगर आयुक्त  रोहित सिन्हा, अपर समाहर्ता हीरा कुमार, मंदिर प्रभारी-सह-अनुमंडल पदाधिकारी देवघर रवि कुमार, सिविल सर्जन, जिला परिवहन पदाधिकारी, जिला नजारत उप समाहर्ता, अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, जिला खेल पदाधिकारी, कार्यपालक अभियन्ता विद्युत आपूर्ति प्रमंडल, कार्यपालक अभियन्ता विद्युत संचरण प्रमंडल, कार्यपालक अभियन्ता पथ प्रमंडल, कार्यपालक अभियन्ता पेयजल एवं स्वच्छता प्रमंडल, कार्यपालक अभियन्ता ग्रामीण विकास विशेष प्रमंडल, कार्यपालक अभियन्ता राष्ट्रीय ग्रामीण नियोजन कार्यक्रम, सहायक जनसंपर्क पदाधिकारी एवं संबंधित विभाग के अधिकारी, कर्मी व डीएमएफटी की टीम उपस्थित थे।
मार्केट बंद होने में दो कानून नहीं चलेगा, पुलिस को सख्‍ती से अंकुश लगाना आवश्‍यक : आलोक शर्मा


सांसद ने कहा - भोपाल वक्फ की जागीर नहीं

सांसद आलोक शर्मा ने पुलिस आयुक्त से की मुलाकात

भोपाल। सांसद आलोक शर्मा ने कहा कि भोपाल में मार्केट बंद होने के दो कानून प्रचलित है, जिस पर पुलिस को सख्ती से अंकुश लगाना चाहिए। उन्होंने कहा पुराने भोपाल शहर में रातभर दुकानें खुली रहती है, जहां पर आपराधिक गतिविधियों को बल मिलता है। उन्होंने कहा कि ईश्वर ने रात सोने के लिए बनाई है। घर पर अब्बू, अम्मी इंतजार करते हैं कि बेटा आएगा और हमें दवाई देगा लेकिन बेटा तो रातभर बिरयानी की दुकान और मार्केट में ही बिताता है। ये चिंता आज कई परिवारों की है। युवा गलत रास्ता अपना लेते हैं। शनिवार को सांसद आलोक शर्मा ने भोपाल पुलिस कमिश्नर संजय कुमार से मुलाकात कर उन्हें इस आशय का एक पत्र सौंपा है जिसमें भोपाल के सभी मार्केट एक समय पर बंद करने का आग्रह किया है। ज्ञात रहे सांसद शर्मा पूर्व में भी कई बार ये मुद्दा उठाते रहे हैं लेकिन पुलिस की सख्ती न होने के कारण आज भी व्यवस्था वैसी ही है। सांसद शर्मा ने पुलिस आयुक्त से मुलाकात के दौरान बताया कि अभी भोपाल शहर में दो कानून प्रचलित हैं, न्यू मार्केट, एमपी नगर, संत हिरदाराम नगर, बीएचईएल बरखेड़ा, इंद्रपुरी सोनागिरि, 6 नंबर मार्केट, 10 नंबर मार्केट, लखेरापुरा, सराफा चौक आदि रात में 10 बजे तक बंद हो जाते हैं। जबकि पुराने भोपाल शहर के मार्केट्स काजीकैंप, लक्ष्मी टॉकीज, बसस्टैंड, रेलवे स्टेशन, रॉयल मार्केट जीपीओ, इमामी गेट, राजू टी-स्टाल, जिंसी-जहांगीराबाद, सब्बन चौराहा, इतवारा, बुधवारा में दुकानें रातभर खुली रहती हैं जिससे आपराधिक गतिविधियों को बल मिलता है और शहर की कानून व्यवस्था बिगड़ती है। सांसद शर्मा को पुलिस आयुक्त संजय कुमार ने शहर के सभी मार्केट्स एक समय पर बंद कराने की कार्यवाही सुनिश्चित कराने का आश्वासन दिया है।

* भोपाल वक्फ की जागीर नहीं

मीडिया के सवालों का जवाब देते हुए सांसद आलोक शर्मा ने कहा कि भोपाल वक्फ की जागीर नहीं है। शहर में कहीं भी डेवलपमेंट के काम करने जाएं तो खड़े हो जाते हैं कि यह वक्फ की जमीन है। महापौर रहते जब हम पॉलिटेक्निक से भारत माता चौराहे तक स्मार्ट रोड बनाने गए तो रोड़ा अटकाया। बोले कि यह वक्फ की जमीन है जबकि आज वहां स्मार्ट रोड बन जाने के बाद मुसलमान भी उस रोड पर निकलता है, हिंदू भी उस पर रोड पर निकलता है, सभी वर्ग के लोग उस स्मार्ट रोड का उपयोग करते हैं। इसी प्रकार श्यामला हिल्स पर मानस भवन के पीछे की झुग्गियां का हटाने का मामला भी है। वहां पर प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत सभी को आवास का पैसा जमा किया गया है। किसी को बेघर नहीं किया जाएगा लेकिन शहर के अंदर सरकारी जमीन पर किसी को भी अतिक्रमण करने की इजाजत नहीं दी जाएगी। वक्फ के नाम पर किसी को भी अवैध कब्जा नहीं करने दिया जाएगा।

पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद से मिले आचार्य पवन त्रिपाठी

नई दिल्ली। श्री सिद्धिविनायक मंदिर न्यास के कोषाध्यक्ष तथा मुंबई भाजपा के महामंत्री आचार्य पवन त्रिपाठी ने आज नई दिल्ली में पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद से शिष्टाचार मुलाकात की। आचार्य पवन त्रिपाठी ने पुष्प गुच्छ देकर  पूर्व राष्ट्रपति का सम्मान किया। दोनों लोगों के बीच काफी देर तक अध्यात्म तथा राजनीति पर चर्चा हुई। आचार्य त्रिपाठी ने उन्हें श्री सिद्धिविनायक मंदिर आने का निमंत्रण दिया, जिसे उन्होंने सहर्ष स्वीकार कर लिया।
पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद से मिले आचार्य पवन त्रिपाठी

नई दिल्ली। श्री सिद्धिविनायक मंदिर न्यास के कोषाध्यक्ष तथा मुंबई भाजपा के महामंत्री आचार्य पवन त्रिपाठी ने आज नई दिल्ली में पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद से शिष्टाचार मुलाकात की। आचार्य पवन त्रिपाठी ने पुष्प गुच्छ देकर  पूर्व राष्ट्रपति का सम्मान किया। दोनों लोगों के बीच काफी देर तक अध्यात्म तथा राजनीति पर चर्चा हुई। आचार्य त्रिपाठी ने उन्हें श्री सिद्धिविनायक मंदिर आने का निमंत्रण दिया, जिसे उन्होंने सहर्ष स्वीकार कर लिया।