यूपी पुलिस में मेगा फेरबदल: 44 ASP के तबादले, प्रमोटेड अफसरों को नई जिम्मेदारी


लखनऊ । उत्तर प्रदेश सरकार ने कानून-व्यवस्था को और मजबूत बनाने के उद्देश्य से रविवार देर रात पुलिस महकमे में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए 44 अपर पुलिस अधीक्षक (ASP) स्तर के अधिकारियों के तबादले कर दिए। इस सूची में बड़ी संख्या उन अधिकारियों की है, जिन्हें हाल ही में पुलिस उपाधीक्षक (DSP) से प्रमोट कर ASP बनाया गया था और अब उन्हें नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।

इस व्यापक बदलाव के तहत कई जिलों, कमिश्नरेट और विशेष इकाइयों में नई तैनातियां की गई हैं, जिससे पूरे पुलिस तंत्र में हलचल देखी जा रही है।तबादलों में मनोज कुमार गुप्ता को हमीरपुर से पीटीसी सीतापुर, अरविंद कुमार वर्मा को चित्रकूट से हमीरपुर और अखंड प्रताप सिंह को सुल्तानपुर से 33वीं वाहिनी पीएसी झांसी भेजा गया है।ब्रज नारायण सिंह को लखनऊ पुलिस कमिश्नरेट से सुल्तानपुर, जबकि हरि राम यादव को देवरिया से प्रयागराज पुलिस कमिश्नरेट में तैनाती दी गई है। वहीं चिरंजीव मुखर्जी का स्थानांतरण निरस्त कर उन्हें यथावत रखा गया है।

इसके अलावा अलका को सीआईडी मेरठ से आगरा कमिश्नरेट, आलोक दुबे को 6वीं वाहिनी पीएसी मेरठ से सीआईडी मेरठ, श्रेष्ठा को बागपत से एटीएस लखनऊ और मुकेश प्रताप सिंह को सीआईडी मुख्यालय से 43वीं वाहिनी पीएसी एटा भेजा गया है।हितेंद्र कृष्ण को वूमेन पावर लाइन 1090 से सीआईडी मुख्यालय, मुकेश चंद्र उत्तम को श्रावस्ती से विधि प्रकोष्ठ प्रयागराज और चंद्रकेश सिंह को पीटीसी सीतापुर से श्रावस्ती स्थानांतरित किया गया है।

अन्य तबादलों में मनोज कुमार यादव को मथुरा (यातायात) से 28वीं वाहिनी पीएसी इटावा, राजेश कुमार तिवारी को मुरादाबाद से मथुरा (यातायात) और अभय कुमार मिश्र को सतर्कता अधिष्ठान लखनऊ से गौतमबुद्धनगर कमिश्नरेट भेजा गया है।एसएन वैभव पांडेय को सहारनपुर से सतर्कता अधिष्ठान, उमेश कुमार यादव को सीआईडी बरेली से सीआईडी प्रयागराज और रफीक अहमद को 44वीं वाहिनी पीएसी मेरठ से सीआईडी गोरखपुर भेजा गया है।

महिला अधिकारियों में सलोनी अग्रवाल को गाजियाबाद कमिश्नरेट से 44वीं वाहिनी पीएसी मेरठ, नवीना शुक्ला को एएनटीएफ (ऑपरेशन) लखनऊ, निष्ठा उपाध्याय को सीआईडी बरेली और मोनिका यादव को यूपीपीसीएल (मध्यांचल) लखनऊ में तैनाती दी गई है।वहीं स्वतंत्र कुमार सिंह को गौतमबुद्धनगर कमिश्नरेट में एडीसीपी बनाया गया है, जबकि संजय वर्मा को एसपी बलिया साउथ की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

इसके अलावा कई अधिकारियों को पीएसी, सीआईडी, एसटीएफ, ईओडब्ल्यू और अन्य महत्वपूर्ण इकाइयों में नई जिम्मेदारियां दी गई हैं। कुछ अधिकारियों को उनके वर्तमान पद पर यथावत भी रखा गया है, जिससे प्रशासनिक संतुलन बनाए रखने की कोशिश की गई है।सरकार के इस फैसले को कानून-व्यवस्था को और सुदृढ़ करने, फील्ड और विशेष इकाइयों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने और हाल ही में प्रमोट हुए अधिकारियों को सक्रिय जिम्मेदारी देने के तौर पर देखा जा रहा है।
यूपी पुलिस में मेगा फेरबदल: 44 ASP के तबादले, प्रमोटेड अफसरों को नई जिम्मेदारी


लखनऊ । उत्तर प्रदेश सरकार ने कानून-व्यवस्था को और मजबूत बनाने के उद्देश्य से रविवार देर रात पुलिस महकमे में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए 44 अपर पुलिस अधीक्षक (ASP) स्तर के अधिकारियों के तबादले कर दिए। इस सूची में बड़ी संख्या उन अधिकारियों की है, जिन्हें हाल ही में पुलिस उपाधीक्षक (DSP) से प्रमोट कर ASP बनाया गया था और अब उन्हें नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।

इस व्यापक बदलाव के तहत कई जिलों, कमिश्नरेट और विशेष इकाइयों में नई तैनातियां की गई हैं, जिससे पूरे पुलिस तंत्र में हलचल देखी जा रही है।तबादलों में मनोज कुमार गुप्ता को हमीरपुर से पीटीसी सीतापुर, अरविंद कुमार वर्मा को चित्रकूट से हमीरपुर और अखंड प्रताप सिंह को सुल्तानपुर से 33वीं वाहिनी पीएसी झांसी भेजा गया है।ब्रज नारायण सिंह को लखनऊ पुलिस कमिश्नरेट से सुल्तानपुर, जबकि हरि राम यादव को देवरिया से प्रयागराज पुलिस कमिश्नरेट में तैनाती दी गई है। वहीं चिरंजीव मुखर्जी का स्थानांतरण निरस्त कर उन्हें यथावत रखा गया है।

इसके अलावा अलका को सीआईडी मेरठ से आगरा कमिश्नरेट, आलोक दुबे को 6वीं वाहिनी पीएसी मेरठ से सीआईडी मेरठ, श्रेष्ठा को बागपत से एटीएस लखनऊ और मुकेश प्रताप सिंह को सीआईडी मुख्यालय से 43वीं वाहिनी पीएसी एटा भेजा गया है।हितेंद्र कृष्ण को वूमेन पावर लाइन 1090 से सीआईडी मुख्यालय, मुकेश चंद्र उत्तम को श्रावस्ती से विधि प्रकोष्ठ प्रयागराज और चंद्रकेश सिंह को पीटीसी सीतापुर से श्रावस्ती स्थानांतरित किया गया है।

अन्य तबादलों में मनोज कुमार यादव को मथुरा (यातायात) से 28वीं वाहिनी पीएसी इटावा, राजेश कुमार तिवारी को मुरादाबाद से मथुरा (यातायात) और अभय कुमार मिश्र को सतर्कता अधिष्ठान लखनऊ से गौतमबुद्धनगर कमिश्नरेट भेजा गया है।एसएन वैभव पांडेय को सहारनपुर से सतर्कता अधिष्ठान, उमेश कुमार यादव को सीआईडी बरेली से सीआईडी प्रयागराज और रफीक अहमद को 44वीं वाहिनी पीएसी मेरठ से सीआईडी गोरखपुर भेजा गया है।

महिला अधिकारियों में सलोनी अग्रवाल को गाजियाबाद कमिश्नरेट से 44वीं वाहिनी पीएसी मेरठ, नवीना शुक्ला को एएनटीएफ (ऑपरेशन) लखनऊ, निष्ठा उपाध्याय को सीआईडी बरेली और मोनिका यादव को यूपीपीसीएल (मध्यांचल) लखनऊ में तैनाती दी गई है।वहीं स्वतंत्र कुमार सिंह को गौतमबुद्धनगर कमिश्नरेट में एडीसीपी बनाया गया है, जबकि संजय वर्मा को एसपी बलिया साउथ की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

इसके अलावा कई अधिकारियों को पीएसी, सीआईडी, एसटीएफ, ईओडब्ल्यू और अन्य महत्वपूर्ण इकाइयों में नई जिम्मेदारियां दी गई हैं। कुछ अधिकारियों को उनके वर्तमान पद पर यथावत भी रखा गया है, जिससे प्रशासनिक संतुलन बनाए रखने की कोशिश की गई है।सरकार के इस फैसले को कानून-व्यवस्था को और सुदृढ़ करने, फील्ड और विशेष इकाइयों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने और हाल ही में प्रमोट हुए अधिकारियों को सक्रिय जिम्मेदारी देने के तौर पर देखा जा रहा है।
प्रदेश सरकार ने 40 आईएएस अधिकारियों का किया तबादला, कई जिलों के डीएम बदले
लखनऊ । उत्तर प्रदेश सरकार ने देर रात बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए 40 आईएएस अधिकारियों के तबादले कर दिए हैं। इस व्यापक बदलाव में कई जिलों के जिलाधिकारियों (DM) को बदला गया है, जबकि कई अधिकारियों को अहम विभागों और संस्थानों की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
तबादलों के तहत उन्नाव के डीएम गौरांग राठी को झांसी का जिलाधिकारी बनाया गया है, जबकि इंद्रजीत सिंह को सुल्तानपुर का डीएम नियुक्त किया गया है। सुल्तानपुर के डीएम कुमार हर्ष को बुलंदशहर भेजा गया है।इसी क्रम में अन्नपूर्णा गर्ग को श्रावस्ती, आलोक यादव को शामली और अरविंद कुमार चौहान को सहारनपुर का जिलाधिकारी बनाया गया है। नितिन गौड़ को अमरोहा, अभिषेक गोयल को हमीरपुर और सरनीत कौर ब्रोका को रायबरेली का डीएम नियुक्त किया गया है।
अमरोहा की डीएम निधि गुप्ता वत्स को फतेहपुर, हमीरपुर के डीएम घनश्याम मीणा को उन्नाव और मैनपुरी के डीएम अंजनी कुमार सिंह को लखीमपुर खीरी भेजा गया है। औरैया के डीएम डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी को मैनपुरी, जबकि बृजेश कुमार को औरैया का डीएम बनाया गया है।
सहारनपुर के डीएम मनीष बंसल को आगरा का डीएम और आगरा के डीएम अरविंद मल्लप्पा बांगरी को मुख्यमंत्री का विशेष सचिव नियुक्त किया गया है।
ऊर्जा और पावर सेक्टर में भी बदलाव करते हुए नीतीश कुमार को उत्तर प्रदेश पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड का प्रबंध निदेशक बनाया गया है, जबकि बुलंदशहर की डीएम श्रुति को दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड (आगरा) का एमडी बनाया गया है।
प्रतीक्षारत आशुतोष निरंजन को परिवहन आयुक्त और किंजल सिंह को सचिव माध्यमिक शिक्षा बनाया गया है।
वहीं, लखीमपुर खीरी की डीएम दुर्गा शक्ति नागपाल को देवीपाटन मंडल का कमिश्नर बनाया गया है। शशि भूषण लाल सुशील को प्रमुख सचिव MSME एवं निर्यात प्रोत्साहन विभाग की जिम्मेदारी दी गई है।
फतेहपुर के डीएम रविंदर सिंह को विशेष सचिव ऊर्जा एवं अतिरिक्त ऊर्जा स्रोत, साथ ही यूपीनेडा और रिन्यूएबल एंड ईवी इंफ्रास्ट्रक्चर लिमिटेड का प्रबंध निदेशक बनाया गया है।
इसके अलावा झांसी के डीएम मृदुल चौधरी को पर्यटन विभाग में विशेष सचिव व निदेशक, श्रावस्ती के डीएम अश्वनी कुमार पांडे को निदेशक अल्पसंख्यक कल्याण, और रायबरेली की डीएम हर्षिता माथुर को बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग का निदेशक बनाया गया है।
प्रशासनिक स्तर पर अन्य फेरबदल में कई मुख्य विकास अधिकारियों (CDO) और संयुक्त मजिस्ट्रेट स्तर के अधिकारियों को भी नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं, जिससे जिला और विभागीय प्रशासन में व्यापक बदलाव देखने को मिलेगा।
फिरोजाबाद विवाद: डीएम पर आईफोन मंगाने के आरोपों के बीच तहसीलदार राखी शर्मा हटाई गईं, जांच शुरू
फिरोजाबाद। उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद जिले में प्रशासनिक विवाद ने तूल पकड़ लिया है। डीएम पर आईफोन मंगाने के आरोप लगाने वाली टूंडला तहसीलदार राखी शर्मा को शासन ने जिले से हटाकर राजस्व परिषद, लखनऊ मुख्यालय से संबद्ध कर दिया है। साथ ही उनके खिलाफ अनुशासनात्मक जांच भी शुरू कर दी गई है।
* आईफोन मंगाने का ऑडियो वायरल
सोशल मीडिया पर एक ऑडियो सामने आने का दावा किया जा रहा है, जिसमें कथित तौर पर डीएम कार्यालय के ओएसडी द्वारा तहसीलदार से आईफोन मंगाने की बात कही जा रही है। ऑडियो में “साहब को टेम्पर्ड ग्लास भी चाहिए” जैसी बातें सुनाई देने का दावा किया जा रहा है।
कुछ दावों के मुताबिक यह बातचीत व्हाट्सएप कॉल पर हुई थी, जिसे दूसरे मोबाइल से रिकॉर्ड किया गया।
* खरीदारी को लेकर भी आरोप
मामले में यह भी आरोप लगाए जा रहे हैं कि आगरा के एक शोरूम से करीब 1.71 लाख रुपये का आईफोन खरीदा गया और बिल ड्राइवर के नाम पर कटवाया गया। हालांकि इन दावों की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है।
* राखी शर्मा पर शासन का एक्शन
डीएम पर लगाए गए आरोपों के बीच शासन ने तहसीलदार राखी शर्मा को हटाते हुए लखनऊ मुख्यालय से संबद्ध कर दिया है। सूत्रों के अनुसार, उनके खिलाफ अनुशासनहीनता और नियम उल्लंघन से जुड़े आरोपों की जांच की जा रही है।
* मामले ने पकड़ा राजनीतिक रंग
इस पूरे घटनाक्रम ने प्रशासनिक और राजनीतिक हलकों में हलचल मचा दी है। सवाल उठ रहे हैं कि आरोप लगाने वाली अधिकारी पर कार्रवाई हुई, जबकि जिन पर आरोप लगे, वे अब भी पद पर बने हुए हैं।
* उच्च स्तरीय जांच की मांग
मामले को लेकर निष्पक्ष जांच की मांग तेज हो गई है। कई लोग कह रहे हैं कि यदि आरोप गलत हैं तो साइबर जांच कर यह स्पष्ट किया जाए कि संबंधित मोबाइल फोन कहां है और उसमें अब तक किन-किन सिम कार्ड का इस्तेमाल हुआ।
फिलहाल शासन स्तर पर मामले की जांच जारी है और सभी की नजर आगे होने वाली कार्रवाई पर टिकी है।
*यमुना किनारे चला ‘खनन क्लीनअप ऑपरेशन’—घाट जमींदोज, मशीनें जब्त, करोड़ों की वसूली*
रोटी छिनी तो सड़कों पर उतरेंगे  प्रशासन की सख्ती से लाखों मजदूरों पर टूटा रोज़गार का पहाड़

विश्वनाथ प्रताप सिंह


प्रयागराज।यमुनापार /करछना,लालापुर/घूरपुर/बारा/नैनी: यमुना किनारे अवैध खनन के खिलाफ प्रशासन ने ऐसा सख्त अभियान चलाया है कि पूरे इलाके की तस्वीर ही बदल गई है। जहां पहले दिन-रात बालू ढुलाई होती थी, वहां अब सन्नाटा पसरा है। घाटों को जेसीबी से खोदकर पूरी तरह खत्म कर दिया गया है, रास्तों को काट दिया गया है और दर्जनों वाहन सीज कर दिए गए हैं। लेकिन इस कार्रवाई का सबसे बड़ा असर उन गरीब मजदूरों पर पड़ा है, जिनकी रोजी-रोटी सीधे यमुना की बालू पर टिकी थी।

करछना में छापा—बालू फिंकवाई, रास्ते बंद

करछना के कबरा घाट पर खनन विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम ने ताबड़तोड़ कार्रवाई करते हुए अवैध बालू को मौके पर ही फिंकवा दिया।घाट तक जाने वाले रास्तों को जेसीबी से खुदवाकर बंद कर दिया गया। मुकदमा दर्ज कर आगे की कार्रवाई तेज कर दी गई है।

लालापुर बना कार्रवाई का केंद्र—पंन्द्रह दिन में बड़ा प्रहार

लालापुर में बीते पंन्द्रह दिनों में प्रशासन ने सबसे बड़ा अभियान चलाया। यमुना किनारे के लगभग सभी अवैध घाटों को जमींदोज कर दिया गया।

दर्जनों ट्रैक्टर, जेसीबी और गाड़ियां सीज

खनन अधिनियम और बीएनएस के तहत मुकदमे दो करोड़ रुपये से ज्यादा का जुर्माना रात में दोगुनी पुलिस गश्त थाना प्रभारी का बयान साफ अब एक भी अवैध खनन बर्दाश्त नहीं होगा, हर हाल में कार्रवाई जारी रहेगी।" नैनी और घूरपुर में ‘स्पेशल टास्क’ का कहर नैनी और घूरपुर में एडीएम प्रशासन, राजस्व और खनन विभाग की स्पेशल टीम ने मिलकर कई वाहनों को सीज किया। रास्तों को काट दिया गया ताकि दोबारा खनन न हो सके। मुकदमे दर्ज कर सख्त संदेश दिया गया।

बारा में भी कार्रवाई—हर तरफ शिकंजा

बारा क्षेत्र में भी अवैध खनन से जुड़े वाहनों को सीज कर दिया गया है। पूरे यमुनापार में प्रशासनिक सख्ती का असर साफ दिख रहा है। लेकिन…सबसे बड़ा सवाल—इन मजदूरों का क्या होगा? प्रशासनिक कार्रवाई के बीच सबसे ज्यादा मार पड़ी है उन गरीब मजदूरों पर,जिनकी जिंदगी का एकमात्र सहारा यही काम था। यमुना किनारे बसे हजारों परिवार आज अचानक बेरोजगार हो गए हैं। एक मजदूर की आंखों में आंसू और आवाज में गुस्सा— "हम चोर नहीं हैं, मजदूर हैं…मेहनत करके पेट पालते थे, अब वो भी छिन गया।" दूसरे मजदूर ने कहा—"सुबह घर से निकलते हैं काम की तलाश में, लेकिन शाम को खाली हाथ लौटते हैं। बच्चों के लिए दाल-रोटी तक मुश्किल हो गई है।"

महिलाओं का दर्द बच्चों का भविष्य अंधेरे में

एक महिला मजदूर ने बताया बरसात आने वाली है, घर की छत डालनी थी। अब सब अधूरा रह जाएगा। बच्चे स्कूल छोड़ने की बात कर रहे हैं, फीस देने के पैसे नहीं हैं।यमुना, जिसे ये लोग मां की तरह पूजते हैं, वही आज इनके लिए मजबूरी और दर्द का कारण बन गई है।

मशीनें चलेंगी तो मजदूर भूखे मरेंगे

मजदूरों का आरोप है कि बड़े ठेकेदारों की मशीनें (जेसीबी/पोकलैंड) काम कर रही हैं, लेकिन गरीब मजदूरों को पूरी तरह बाहर कर दिया गया है। सरकार मशीनों से काम कराएगी तो हम जैसे मजदूर कहां जाएंगे

आंदोलन की चेतावनी अब चुप नहीं बैठेंगे

गुस्साए मजदूरों और उनके संगठनों ने साफ कहा है—या तो रोजगार दो या वैध खनन का पट्टा दो वरना वे जल्द ही सड़कों पर उतरकर डीएम आवास का घेराव करेंगे और बड़ा आंदोलन करेंगे।

जमीनी हकीकत: कानून बनाम भूख

एक तरफ प्रशासन अवैध खनन रोकने के अपने अभियान को बड़ी सफलता बता रहा है, तो दूसरी तरफ जमीन पर सच्चाई यह है कि—घाट बंद हुए, लेकिन हजारों घरों के चूल्हे भी ठंडे पड़ गए। यमुना किनारे इस समय अजीब सा सन्नाटा है—न मशीनों की आवाज, न मजदूरों की हलचल…बस भूख, बेरोजगारी और गुस्से की खामोशी। यह खबर जमीनी पड़ताल और स्थानीय मजदूरों की आवाज पर आधारित है, जहां सख्ती के बीच इंसानी संकट सबसे बड़ा सवाल बनकर खड़ा है।
शंकरगढ़ के इंग्लिश मीडियम स्कूलों की खुली पोल: नाम अंग्रेजी का, पढ़ाई हिंदी में
प्रयागराज। शंकरगढ़ नगर में संचालित इंग्लिश मीडियम स्कूलों की व्यवस्थाओं पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। बोर्ड पर नाम तो इंग्लिश मीडियम का है, लेकिन कक्षाओं में शिक्षक हिंदी में ही पढ़ाते हैं। अभिभावकों का कहना है कि जब पढ़ाई हिंदी में हो रही है तो इंग्लिश मीडियम का टैग लगाने का औचित्य क्या है?अभिभावकों का आरोप है कि स्कूल प्रबंधन हर शैक्षिक सत्र में किताबें बदल देता है। उनका सवाल है कि क्या हर साल इतिहास, गणित या विज्ञान का पाठ्यक्रम बदल जाता है? पुरानी किताबें बेकार हो जाती हैं और अभिभावकों पर हर वर्ष नई महंगी किताबों का अतिरिक्त बोझ पड़ता है। स्थानीय लोगों के अनुसार, ज्यादातर स्कूलों में योग्य शिक्षक नहीं हैं। स्कूलों ने स्थानीय स्तर पर ऐसे शिक्षकों को रखा है जिनकी न तो अंग्रेजी पर पकड़ है और न ही हिंदी पर। इससे बच्चों की बुनियाद कमजोर हो रही है। बुनियादी सुविधाओं का भी अभाव भी है शंकरगढ़ के इन स्कूलों में बच्चों के लिए साफ और शुद्ध पेयजल तक की व्यवस्था नहीं है। गर्मी में बच्चे परेशान होते हैं, लेकिन प्रबंधन इस ओर ध्यान नहीं दे रहा है। शिक्षक अपनी खामी मानी जब एक पत्रकार के सवाल पर स्कूल की एक शिक्षिका ने खुद स्वीकार किया कि "आपकी बात जायज है। नाम इंग्लिश मीडियम है, लेकिन बातचीत हिंदी में हो रही है, जो गंभीर विषय है। अभिभावकों का कहना है कि जब फीस इंग्लिश मीडियम और सीबीएसई बोर्ड यूपी इंग्लिश मीडियम बोर्ड के नाम पर ली जाती है तो कक्षाओं में हिंदी का उपयोग क्यों होता है? शिक्षक आपस में भी हिंदी में बात करते हैं, जबकि स्कूल कैंपस में संवाद अंग्रेजी में होना चाहिए। इससे बच्चों पर सकारात्मक प्रभाव पड़ेगा और उनमें अंग्रेजी बोलने की उमंग जगेगी। अभिभावकों ने शिक्षा विभाग से मांग की है कि इंग्लिश मीडियम के नाम पर चल रहे इन स्कूलों की जांच की जाए। मानकों का पालन न करने वाले स्कूलों पर कार्रवाई हो, ताकि बच्चों का भविष्य अंधकार में न जाए।
रामनगरी की सुंदरता पर अतिक्रमण का दाग: ठेले और ई-रिक्शा से जाम, जनता परेशान
अयोध्या। प्रभु श्रीराम की पावन नगरी अयोध्या में अवैध अतिक्रमण की समस्या लगातार गंभीर होती जा रही है। राम जन्मभूमि क्षेत्र के अंतर्गत श्रीराम हॉस्पिटल–रेलवे स्टेशन रोड पर ठेला और ई-रिक्शा चालकों के कब्जे से यातायात व्यवस्था चरमरा गई है। सड़क और फुटपाथ पर अतिक्रमण के कारण राहगीरों, श्रद्धालुओं और स्थानीय नागरिकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

* फुटपाथ पर दुकानें, सड़क पर जाम
सड़कों के किनारे और फुटपाथों पर ठेला लगाकर अवैध रूप से दुकानें संचालित की जा रही हैं। इससे न सिर्फ यातायात बाधित हो रहा है, बल्कि रोजाना जाम की स्थिति बन रही है। रेलवे स्टेशन और राम मंदिर क्षेत्र की ओर आने-जाने वाले यात्रियों को सबसे ज्यादा दिक्कत झेलनी पड़ रही है।

* कार्रवाई सिर्फ औपचारिकता तक सीमित
स्थानीय लोगों का आरोप है कि प्रशासन समय-समय पर अतिक्रमण हटाने का अभियान तो चलाता है, लेकिन वह केवल औपचारिकता बनकर रह जाता है। कुछ देर के लिए सड़कें खाली होती हैं, लेकिन टीम के जाते ही दोबारा कब्जा हो जाता है।

* प्रशासन पर मिलीभगत के आरोप
नागरिकों का कहना है कि प्रशासन की लापरवाही या कथित मिलीभगत के चलते अवैध कब्जे लगातार बढ़ रहे हैं। इससे रामनगरी की छवि भी प्रभावित हो रही है, जबकि अयोध्या देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं का प्रमुख केंद्र है।

* स्थायी कार्रवाई की मांग
स्थानीय जनता ने प्रशासन से मांग की है कि अवैध ठेले, ई-रिक्शा और सड़क किनारे संचालित दुकानों पर स्थायी और सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि यातायात व्यवस्था सुचारु हो सके और रामनगरी की गरिमा बनी रहे।

* लोगों में बढ़ रही नाराजगी
अब तक ठोस कार्रवाई न होने से लोगों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। नागरिकों का कहना है कि अगर जल्द समाधान नहीं हुआ तो समस्या और विकराल रूप ले सकती है।
व्यक्तित्व निर्माण में शिक्षा का विशेष योगदान होता है : प्रोफेसर शोभा गौड़
*शिक्षा से आत्मविश्वास, अनुशासन, नेतृत्व क्षमता और सकारात्मक सोच का विकास होता है: रामसकल
*श्रीमाता प्रसाद माता भीख इंटर कॉलेज का स्थापना दिवस मनाया गया
मीरजापुर। 79 वर्षों से शिक्षा को संस्कार बनाने और ज्ञान को चरित्र में ढालने का प्रयास करते हुए नगर के मध्य स्थित श्री माता प्रसाद माता अधिक इंटर कॉलेज विद्यालय परिवार में स्थापना दिवस और संस्थापक जयंती समारोह का आयोजन किया।
समारोह का शुभारंभ मुख्य अतिथि मां विंध्यवासिनी राज्य विश्वविद्यालय की कुलपति प्रोफेसर शोभा गौड़,  विशिष्ट अतिथि निवर्तमान राज्यसभा सांसद राम सकल और  जिला विद्यालय निरीक्षक मायाराम के द्वारा मां सरस्वती की प्रतिमा पर माल्यार्पण और उत्कर्ष के प्रतीक दीप प्रज्वलन के साथ हुआ।
मुख्य अतिथि ने बच्चों को आशीर्वाद देते हुए कहा कि व्यक्तित्व निर्माण में शिक्षा का विशेष योगदान होता है। शिक्षा से आत्मविश्वास, अनुशासन, नेतृत्व क्षमता और सकारात्मक सोच का विकास होता है। यह हमें जीवन की चुनौतियों का सामना करने की शक्ति प्रदान करती है। केवल डिग्री प्राप्त करना ही शिक्षा का उद्देश्य नहीं है, बल्कि एक अच्छा इंसान बनना ही सच्ची शिक्षा का लक्ष्य होना चाहिए।
विशिष्ट अतिथि के रूप में पूर्व राज्यसभा सांसद रामसकल ने अपने संबोधन में कहा कि ऐसे आयोजनों से बालक की विशेष योग्यताओं के साथ ही शारीरिक, मानसिक, संवेगात्मक तथा सामाजिक क्रियाओं का विकास होता है। जिला विद्यालय निरीक्षक मिर्जापुर ने विद्यालय के पठन पाठन अनुशासन कि सराहना करते हुए कहा की निश्चित ही यह विद्यालय बालकों की अंदर नई शक्तियों, क्षमताओं का स्वाभाविक एवं प्रगतिशील विकास कर रहा है। राष्ट्रवादी मंच के अध्यक्ष मनोज कुमार श्रीवास्तव जी ने अपने आशीर्वचन में कहा कि व्यक्तित्व का वास्तविक विकास तभी संभव है जब शिक्षा के साथ संस्कार भी जुड़े हों। शिक्षा जीवन को उद्देश्यपूर्ण और सफल बनाने का मार्ग प्रशस्त करती है। मुख्य अतिथि एवं विशिष्ट अतिथियों द्वारा विद्यालय के प्रतिभावान प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त विभिन्न कक्षाओं के छात्र-छात्राओं को मेडल एवं प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया गया।
पिछले वर्ष इंटरमीडिएट की टॉपर जिज्ञासा दुबे, आयुष यादव, यथार्थ पाठक को भी सम्मानित किया गया। इस अवसर पर विद्यालय के पूर्व छात्रों डॉ बलराम मौर्य, डॉक्टर निहाल प्रजापति, गौरव यादव, शुभम पांडेय को उनकी सफलता के लिए सम्मानित किया गया। विद्यालय के छात्राओं द्वारा मनोहारी प्रस्तुति दी गई जिसमें शिव तांडव भ्रूण हत्या तथा सोशल मीडिया के माध्यम से मोबाइल के दुरुपयोग पर दिए गए संदेशों की सभी अतिथि गणों ने भूरी भूरी प्रशंसा की।
समारोह में अखिल भारतीय वैश्य महासभा के प्रदेश महामंत्री शैलेंद्र अग्रहरी नगर पालिका अध्यक्ष श्याम सुंदर केसरी, जिला पंचायत अध्यक्ष राजू कनौजिया, पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष मनोज जायसवाल, अनुज उमर, डिस्ट्रिक्ट बार एसोसिएशन के अध्यक्ष अभय राज सिंह, पूर्व अध्यक्ष अशोक सिंह आशीर्वाद प्राप्त हुआ। विद्यालय द्वारा, प्रबंधक अरुण कुमार मिश्रा, प्रमोद कुमार सिंह, कमलेश कुमार केसरवानी, अतुल जायसवाल, डॉ मधुलिका सिंह, प्रधानाचार्य दिनेश कनौजिया, अशोक कनौजिया, डॉ संतोष कुमार सिंह, प्रधान अध्यापक संतोष सोनकर, प्रधानाचार्य अनीता यादव, दीपा मौर्य, पूर्व जिला अध्यक्ष श्री उमाशंकर पांडेय को विद्यालय के प्रबंधक अतिन कुमार एवं प्रधानाचार्य प्रेमचंद यादव द्वारा सम्मानित किया गया। अध्यक्षता पूर्व प्रबंधक बैकुंठ नाथ गुप्त एवं संचालन रफ्तार रमेश कुमार द्विवेदी और संजय सिंह ने किया।
युवती की हत्या में आरोपी का नामजद पिता गिरफ्तार
रितेश मिश्रा
हरदोई।मल्लावा थाना के ग्राम गढ़ी रसूलपुर में 13 अप्रैल को युवती की हत्या में नामजद दूसरे आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।पचीस हजार के इनामी मुख्य आरोपी को पुलिस पूर्व में जेल भेज चुकी है।
       प्राप्त विवरण में 13 अप्रैल को मल्लावां क्षेत्रान्तर्गत ग्राम गढी रसूलपुर में शिल्पी कुशवाहा पुत्री रामरहीश की ऋषभ द्विवेदी पुत्र प्रमोद निवासी ग्राम गढी रसूलपुर थाना मल्लावां द्वारा फावडे से वार कर हत्या कर दी गयी है। प्राप्त सूचना पर स्थानीय पुलिस द्वारा मौके पर पहुँचकर घटनास्थल का निरीक्षण कर शव का नियमानुसार पंचायतनामा की कार्यवाही पूर्ण कर पोस्टमार्टम हेतु मोर्चरी भेजा गया। वादी की तहरीर के आधार पर थाना मल्लावां पर आरोपी और उसके पिता के विरुद्ध अभियोग पंजीकृत किया गया।
       पुलिस अधीक्षक अशोक कुमार मीणा द्वारा घटनास्थल का निरीक्षण कर आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी हेतु अपर पुलिस अधीक्षक पूर्वी व क्षेत्राधिकारी बिलग्राम के नेतृत्व में टीमें गठित कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए थे।
       उप निरीक्षक शिवाकांत पाण्डेय द्वारा उक्त अभियोग से संबंधित नामजद प्रमोद पुत्र प्यारे लाल निवासी ग्राम गढी रसलपर को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया। 15 अप्रैल को उक्त अभियोग से संबंधित मुख्य आरोपी ऋषभ द्विवेदी को आला कत्ल फावडा सहित गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष पेश किया जा चुका है।
भगवान परशुराम जन्मोत्सव धूमधाम से मनाया, शहर में निकली भव्य शोभायात्रा*
रितेश मिश्रा
हरदोई। भगवान परशुराम जन्मोत्सव के अवसर पर आज अखिल भारतीय ब्राह्मण महासभा हरदोई के जिलाध्यक्ष नीरज अवस्थी के नेतृत्व मे श्रीशचंद्र बारात घर मे भगवान परशुराम के चित्र पर विधि विधान से पूजन करके मनाया गया। इस अवसर पर हरदोई नगर मे भव्य शोभायात्रा निकाली गयी, श्रीशचंद्र बारात घर से शुरू होकर नगर के नुमाइश चौराहा से बड़ा चौराहा से सिनेमा चौराहा से लखनऊ चुंगी से रेलवेगंज से जिन्दपीर चौराहा होते हुये जेल रोड से वापस आकर बारात घर पर सम्पन्न हुई। बारात घर पर विशाल भंडारे का आयोजन किया गया।
जन्मोत्सव कार्यक्रम मे मुख्य रूप से उच्च शिक्षा राज्यमंत्री रजनी तिवारी, जिला पंचायत अध्यक्ष प्रेमावती वर्मा, भाजपा जिलाध्यक्ष अजीत सिंह बब्बन, कांग्रेस जिलाध्यक्ष विक्रम पाण्डेय, नगर पालिका अध्यक्ष सुख सागर मिश्रा मधुर, सपा कोषाध्यक्ष अवनीकांत बाजपेई, संघठन पदाधिकारी शिवम तिवारी, रंजीत शुक्ला, दुर्गा प्रसाद मिश्रा, प्रदीप त्रिपाठी, ऋषिकांत मिश्रा, पूर्व अध्यक्ष नगर पालिका उमेश अग्रवाल, पूर्व प्रत्याशी नगर पालिका पारुल दीक्षित, भाजपा उपाध्यक्ष प्रितेश दीक्षित, अलका गुप्ता,ब्लॉक प्रमुख खुशी बाजपेई, नगर अध्यक्ष भाजपा मुदित बाजपेई, बार एसोसिएशन अध्यक्ष  जेपी त्रिवेदी, कमलेश अवस्थी, आदर्श दीपक मिश्रा, मुनि मिश्रा, हनी मिश्रा, अम्बुज शुक्ला,अनुराधा मिश्रा, रीना शुक्ला, अंजना त्रिपाठी,

अविनाश मिश्रा, सतेंद्र मिश्रा, उत्तम मिश्रा, पुनीत मिश्रा, हंन्नू दीक्षित, मनोज शुक्ला, गौरव शुक्ला,अवधेश मिश्रा,शैलेश अवस्थी, रवी दीक्षित, अमित मिश्रा, अमित त्रिवेदी रानू, अंकित अवस्थी,अभिषेक तिवारी, विकास मिश्रा, मृदुलकांत पाण्डेय, कुलदीप मिश्रा, आशीष पाण्डेय, रजत अवस्थी, रामलखन अवस्थी, सतेंद्र तिवारी, अथर्व अवस्थी,शिवम दीक्षित, अंकुर अवस्थी, अनमोल मिश्रा, राजन मिश्रा, रजनीश त्रिपाठी, लवकुश त्रिपाठी, राहुल शुक्ला,धनंजय मिश्रा, उत्कर्ष दीक्षित, उत्कर्ष पाठक, शिवम दीक्षित, प्रभात अग्निहोत्री, अंशुल मिश्रा, अशोक अग्निहोत्री, आनंद पाण्डेय, वंदना पाण्डेय, रामकिशोर शुक्ला, प्रशांत मिश्रा पुतानी, उमेश मिश्रा, प्रशांत त्रिपाठी, दीपक शुक्ला,आदित्य त्रिपाठी,शशांक मिश्रा शुशांत तिवारी, रजनीश प्रजापति, राहुल अवस्थी, आशुतोष अवस्थी, पंकज शुक्ला, अनूप द्विवेदी, नीरज तिवारी, नीरज मिश्रा सहित हजारों लोग सम्मिलित रहे इस अवसर पर शोभा यात्रा मे नगर मे विभिन्न स्थानों पर पुष्प वर्षा व जलपान वितरित किया गया महात्मा गाँधी मार्ग पर पूर्व प्रत्याशी नगर पालिका पारुल दीक्षित, सिनेमा रोड पर सभासद अभिषेक मिश्रा हनी सरकुलर रोड पर नीरज मिश्रा, रेलवे गंज मे जिला पंचायत सदस्य सचिन मिश्रा, पुनीत मिश्रा द्वारा स्वागत व प्रसाद वितरण किया गया।
यूपी पुलिस में मेगा फेरबदल: 44 ASP के तबादले, प्रमोटेड अफसरों को नई जिम्मेदारी


लखनऊ । उत्तर प्रदेश सरकार ने कानून-व्यवस्था को और मजबूत बनाने के उद्देश्य से रविवार देर रात पुलिस महकमे में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए 44 अपर पुलिस अधीक्षक (ASP) स्तर के अधिकारियों के तबादले कर दिए। इस सूची में बड़ी संख्या उन अधिकारियों की है, जिन्हें हाल ही में पुलिस उपाधीक्षक (DSP) से प्रमोट कर ASP बनाया गया था और अब उन्हें नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।

इस व्यापक बदलाव के तहत कई जिलों, कमिश्नरेट और विशेष इकाइयों में नई तैनातियां की गई हैं, जिससे पूरे पुलिस तंत्र में हलचल देखी जा रही है।तबादलों में मनोज कुमार गुप्ता को हमीरपुर से पीटीसी सीतापुर, अरविंद कुमार वर्मा को चित्रकूट से हमीरपुर और अखंड प्रताप सिंह को सुल्तानपुर से 33वीं वाहिनी पीएसी झांसी भेजा गया है।ब्रज नारायण सिंह को लखनऊ पुलिस कमिश्नरेट से सुल्तानपुर, जबकि हरि राम यादव को देवरिया से प्रयागराज पुलिस कमिश्नरेट में तैनाती दी गई है। वहीं चिरंजीव मुखर्जी का स्थानांतरण निरस्त कर उन्हें यथावत रखा गया है।

इसके अलावा अलका को सीआईडी मेरठ से आगरा कमिश्नरेट, आलोक दुबे को 6वीं वाहिनी पीएसी मेरठ से सीआईडी मेरठ, श्रेष्ठा को बागपत से एटीएस लखनऊ और मुकेश प्रताप सिंह को सीआईडी मुख्यालय से 43वीं वाहिनी पीएसी एटा भेजा गया है।हितेंद्र कृष्ण को वूमेन पावर लाइन 1090 से सीआईडी मुख्यालय, मुकेश चंद्र उत्तम को श्रावस्ती से विधि प्रकोष्ठ प्रयागराज और चंद्रकेश सिंह को पीटीसी सीतापुर से श्रावस्ती स्थानांतरित किया गया है।

अन्य तबादलों में मनोज कुमार यादव को मथुरा (यातायात) से 28वीं वाहिनी पीएसी इटावा, राजेश कुमार तिवारी को मुरादाबाद से मथुरा (यातायात) और अभय कुमार मिश्र को सतर्कता अधिष्ठान लखनऊ से गौतमबुद्धनगर कमिश्नरेट भेजा गया है।एसएन वैभव पांडेय को सहारनपुर से सतर्कता अधिष्ठान, उमेश कुमार यादव को सीआईडी बरेली से सीआईडी प्रयागराज और रफीक अहमद को 44वीं वाहिनी पीएसी मेरठ से सीआईडी गोरखपुर भेजा गया है।

महिला अधिकारियों में सलोनी अग्रवाल को गाजियाबाद कमिश्नरेट से 44वीं वाहिनी पीएसी मेरठ, नवीना शुक्ला को एएनटीएफ (ऑपरेशन) लखनऊ, निष्ठा उपाध्याय को सीआईडी बरेली और मोनिका यादव को यूपीपीसीएल (मध्यांचल) लखनऊ में तैनाती दी गई है।वहीं स्वतंत्र कुमार सिंह को गौतमबुद्धनगर कमिश्नरेट में एडीसीपी बनाया गया है, जबकि संजय वर्मा को एसपी बलिया साउथ की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

इसके अलावा कई अधिकारियों को पीएसी, सीआईडी, एसटीएफ, ईओडब्ल्यू और अन्य महत्वपूर्ण इकाइयों में नई जिम्मेदारियां दी गई हैं। कुछ अधिकारियों को उनके वर्तमान पद पर यथावत भी रखा गया है, जिससे प्रशासनिक संतुलन बनाए रखने की कोशिश की गई है।सरकार के इस फैसले को कानून-व्यवस्था को और सुदृढ़ करने, फील्ड और विशेष इकाइयों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने और हाल ही में प्रमोट हुए अधिकारियों को सक्रिय जिम्मेदारी देने के तौर पर देखा जा रहा है।
यूपी पुलिस में मेगा फेरबदल: 44 ASP के तबादले, प्रमोटेड अफसरों को नई जिम्मेदारी


लखनऊ । उत्तर प्रदेश सरकार ने कानून-व्यवस्था को और मजबूत बनाने के उद्देश्य से रविवार देर रात पुलिस महकमे में बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए 44 अपर पुलिस अधीक्षक (ASP) स्तर के अधिकारियों के तबादले कर दिए। इस सूची में बड़ी संख्या उन अधिकारियों की है, जिन्हें हाल ही में पुलिस उपाधीक्षक (DSP) से प्रमोट कर ASP बनाया गया था और अब उन्हें नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।

इस व्यापक बदलाव के तहत कई जिलों, कमिश्नरेट और विशेष इकाइयों में नई तैनातियां की गई हैं, जिससे पूरे पुलिस तंत्र में हलचल देखी जा रही है।तबादलों में मनोज कुमार गुप्ता को हमीरपुर से पीटीसी सीतापुर, अरविंद कुमार वर्मा को चित्रकूट से हमीरपुर और अखंड प्रताप सिंह को सुल्तानपुर से 33वीं वाहिनी पीएसी झांसी भेजा गया है।ब्रज नारायण सिंह को लखनऊ पुलिस कमिश्नरेट से सुल्तानपुर, जबकि हरि राम यादव को देवरिया से प्रयागराज पुलिस कमिश्नरेट में तैनाती दी गई है। वहीं चिरंजीव मुखर्जी का स्थानांतरण निरस्त कर उन्हें यथावत रखा गया है।

इसके अलावा अलका को सीआईडी मेरठ से आगरा कमिश्नरेट, आलोक दुबे को 6वीं वाहिनी पीएसी मेरठ से सीआईडी मेरठ, श्रेष्ठा को बागपत से एटीएस लखनऊ और मुकेश प्रताप सिंह को सीआईडी मुख्यालय से 43वीं वाहिनी पीएसी एटा भेजा गया है।हितेंद्र कृष्ण को वूमेन पावर लाइन 1090 से सीआईडी मुख्यालय, मुकेश चंद्र उत्तम को श्रावस्ती से विधि प्रकोष्ठ प्रयागराज और चंद्रकेश सिंह को पीटीसी सीतापुर से श्रावस्ती स्थानांतरित किया गया है।

अन्य तबादलों में मनोज कुमार यादव को मथुरा (यातायात) से 28वीं वाहिनी पीएसी इटावा, राजेश कुमार तिवारी को मुरादाबाद से मथुरा (यातायात) और अभय कुमार मिश्र को सतर्कता अधिष्ठान लखनऊ से गौतमबुद्धनगर कमिश्नरेट भेजा गया है।एसएन वैभव पांडेय को सहारनपुर से सतर्कता अधिष्ठान, उमेश कुमार यादव को सीआईडी बरेली से सीआईडी प्रयागराज और रफीक अहमद को 44वीं वाहिनी पीएसी मेरठ से सीआईडी गोरखपुर भेजा गया है।

महिला अधिकारियों में सलोनी अग्रवाल को गाजियाबाद कमिश्नरेट से 44वीं वाहिनी पीएसी मेरठ, नवीना शुक्ला को एएनटीएफ (ऑपरेशन) लखनऊ, निष्ठा उपाध्याय को सीआईडी बरेली और मोनिका यादव को यूपीपीसीएल (मध्यांचल) लखनऊ में तैनाती दी गई है।वहीं स्वतंत्र कुमार सिंह को गौतमबुद्धनगर कमिश्नरेट में एडीसीपी बनाया गया है, जबकि संजय वर्मा को एसपी बलिया साउथ की जिम्मेदारी सौंपी गई है।

इसके अलावा कई अधिकारियों को पीएसी, सीआईडी, एसटीएफ, ईओडब्ल्यू और अन्य महत्वपूर्ण इकाइयों में नई जिम्मेदारियां दी गई हैं। कुछ अधिकारियों को उनके वर्तमान पद पर यथावत भी रखा गया है, जिससे प्रशासनिक संतुलन बनाए रखने की कोशिश की गई है।सरकार के इस फैसले को कानून-व्यवस्था को और सुदृढ़ करने, फील्ड और विशेष इकाइयों के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करने और हाल ही में प्रमोट हुए अधिकारियों को सक्रिय जिम्मेदारी देने के तौर पर देखा जा रहा है।
प्रदेश सरकार ने 40 आईएएस अधिकारियों का किया तबादला, कई जिलों के डीएम बदले
लखनऊ । उत्तर प्रदेश सरकार ने देर रात बड़ा प्रशासनिक फेरबदल करते हुए 40 आईएएस अधिकारियों के तबादले कर दिए हैं। इस व्यापक बदलाव में कई जिलों के जिलाधिकारियों (DM) को बदला गया है, जबकि कई अधिकारियों को अहम विभागों और संस्थानों की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
तबादलों के तहत उन्नाव के डीएम गौरांग राठी को झांसी का जिलाधिकारी बनाया गया है, जबकि इंद्रजीत सिंह को सुल्तानपुर का डीएम नियुक्त किया गया है। सुल्तानपुर के डीएम कुमार हर्ष को बुलंदशहर भेजा गया है।इसी क्रम में अन्नपूर्णा गर्ग को श्रावस्ती, आलोक यादव को शामली और अरविंद कुमार चौहान को सहारनपुर का जिलाधिकारी बनाया गया है। नितिन गौड़ को अमरोहा, अभिषेक गोयल को हमीरपुर और सरनीत कौर ब्रोका को रायबरेली का डीएम नियुक्त किया गया है।
अमरोहा की डीएम निधि गुप्ता वत्स को फतेहपुर, हमीरपुर के डीएम घनश्याम मीणा को उन्नाव और मैनपुरी के डीएम अंजनी कुमार सिंह को लखीमपुर खीरी भेजा गया है। औरैया के डीएम डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी को मैनपुरी, जबकि बृजेश कुमार को औरैया का डीएम बनाया गया है।
सहारनपुर के डीएम मनीष बंसल को आगरा का डीएम और आगरा के डीएम अरविंद मल्लप्पा बांगरी को मुख्यमंत्री का विशेष सचिव नियुक्त किया गया है।
ऊर्जा और पावर सेक्टर में भी बदलाव करते हुए नीतीश कुमार को उत्तर प्रदेश पावर कॉरपोरेशन लिमिटेड का प्रबंध निदेशक बनाया गया है, जबकि बुलंदशहर की डीएम श्रुति को दक्षिणांचल विद्युत वितरण निगम लिमिटेड (आगरा) का एमडी बनाया गया है।
प्रतीक्षारत आशुतोष निरंजन को परिवहन आयुक्त और किंजल सिंह को सचिव माध्यमिक शिक्षा बनाया गया है।
वहीं, लखीमपुर खीरी की डीएम दुर्गा शक्ति नागपाल को देवीपाटन मंडल का कमिश्नर बनाया गया है। शशि भूषण लाल सुशील को प्रमुख सचिव MSME एवं निर्यात प्रोत्साहन विभाग की जिम्मेदारी दी गई है।
फतेहपुर के डीएम रविंदर सिंह को विशेष सचिव ऊर्जा एवं अतिरिक्त ऊर्जा स्रोत, साथ ही यूपीनेडा और रिन्यूएबल एंड ईवी इंफ्रास्ट्रक्चर लिमिटेड का प्रबंध निदेशक बनाया गया है।
इसके अलावा झांसी के डीएम मृदुल चौधरी को पर्यटन विभाग में विशेष सचिव व निदेशक, श्रावस्ती के डीएम अश्वनी कुमार पांडे को निदेशक अल्पसंख्यक कल्याण, और रायबरेली की डीएम हर्षिता माथुर को बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग का निदेशक बनाया गया है।
प्रशासनिक स्तर पर अन्य फेरबदल में कई मुख्य विकास अधिकारियों (CDO) और संयुक्त मजिस्ट्रेट स्तर के अधिकारियों को भी नई जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं, जिससे जिला और विभागीय प्रशासन में व्यापक बदलाव देखने को मिलेगा।
फिरोजाबाद विवाद: डीएम पर आईफोन मंगाने के आरोपों के बीच तहसीलदार राखी शर्मा हटाई गईं, जांच शुरू
फिरोजाबाद। उत्तर प्रदेश के फिरोजाबाद जिले में प्रशासनिक विवाद ने तूल पकड़ लिया है। डीएम पर आईफोन मंगाने के आरोप लगाने वाली टूंडला तहसीलदार राखी शर्मा को शासन ने जिले से हटाकर राजस्व परिषद, लखनऊ मुख्यालय से संबद्ध कर दिया है। साथ ही उनके खिलाफ अनुशासनात्मक जांच भी शुरू कर दी गई है।
* आईफोन मंगाने का ऑडियो वायरल
सोशल मीडिया पर एक ऑडियो सामने आने का दावा किया जा रहा है, जिसमें कथित तौर पर डीएम कार्यालय के ओएसडी द्वारा तहसीलदार से आईफोन मंगाने की बात कही जा रही है। ऑडियो में “साहब को टेम्पर्ड ग्लास भी चाहिए” जैसी बातें सुनाई देने का दावा किया जा रहा है।
कुछ दावों के मुताबिक यह बातचीत व्हाट्सएप कॉल पर हुई थी, जिसे दूसरे मोबाइल से रिकॉर्ड किया गया।
* खरीदारी को लेकर भी आरोप
मामले में यह भी आरोप लगाए जा रहे हैं कि आगरा के एक शोरूम से करीब 1.71 लाख रुपये का आईफोन खरीदा गया और बिल ड्राइवर के नाम पर कटवाया गया। हालांकि इन दावों की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है।
* राखी शर्मा पर शासन का एक्शन
डीएम पर लगाए गए आरोपों के बीच शासन ने तहसीलदार राखी शर्मा को हटाते हुए लखनऊ मुख्यालय से संबद्ध कर दिया है। सूत्रों के अनुसार, उनके खिलाफ अनुशासनहीनता और नियम उल्लंघन से जुड़े आरोपों की जांच की जा रही है।
* मामले ने पकड़ा राजनीतिक रंग
इस पूरे घटनाक्रम ने प्रशासनिक और राजनीतिक हलकों में हलचल मचा दी है। सवाल उठ रहे हैं कि आरोप लगाने वाली अधिकारी पर कार्रवाई हुई, जबकि जिन पर आरोप लगे, वे अब भी पद पर बने हुए हैं।
* उच्च स्तरीय जांच की मांग
मामले को लेकर निष्पक्ष जांच की मांग तेज हो गई है। कई लोग कह रहे हैं कि यदि आरोप गलत हैं तो साइबर जांच कर यह स्पष्ट किया जाए कि संबंधित मोबाइल फोन कहां है और उसमें अब तक किन-किन सिम कार्ड का इस्तेमाल हुआ।
फिलहाल शासन स्तर पर मामले की जांच जारी है और सभी की नजर आगे होने वाली कार्रवाई पर टिकी है।
*यमुना किनारे चला ‘खनन क्लीनअप ऑपरेशन’—घाट जमींदोज, मशीनें जब्त, करोड़ों की वसूली*
रोटी छिनी तो सड़कों पर उतरेंगे  प्रशासन की सख्ती से लाखों मजदूरों पर टूटा रोज़गार का पहाड़

विश्वनाथ प्रताप सिंह


प्रयागराज।यमुनापार /करछना,लालापुर/घूरपुर/बारा/नैनी: यमुना किनारे अवैध खनन के खिलाफ प्रशासन ने ऐसा सख्त अभियान चलाया है कि पूरे इलाके की तस्वीर ही बदल गई है। जहां पहले दिन-रात बालू ढुलाई होती थी, वहां अब सन्नाटा पसरा है। घाटों को जेसीबी से खोदकर पूरी तरह खत्म कर दिया गया है, रास्तों को काट दिया गया है और दर्जनों वाहन सीज कर दिए गए हैं। लेकिन इस कार्रवाई का सबसे बड़ा असर उन गरीब मजदूरों पर पड़ा है, जिनकी रोजी-रोटी सीधे यमुना की बालू पर टिकी थी।

करछना में छापा—बालू फिंकवाई, रास्ते बंद

करछना के कबरा घाट पर खनन विभाग और पुलिस की संयुक्त टीम ने ताबड़तोड़ कार्रवाई करते हुए अवैध बालू को मौके पर ही फिंकवा दिया।घाट तक जाने वाले रास्तों को जेसीबी से खुदवाकर बंद कर दिया गया। मुकदमा दर्ज कर आगे की कार्रवाई तेज कर दी गई है।

लालापुर बना कार्रवाई का केंद्र—पंन्द्रह दिन में बड़ा प्रहार

लालापुर में बीते पंन्द्रह दिनों में प्रशासन ने सबसे बड़ा अभियान चलाया। यमुना किनारे के लगभग सभी अवैध घाटों को जमींदोज कर दिया गया।

दर्जनों ट्रैक्टर, जेसीबी और गाड़ियां सीज

खनन अधिनियम और बीएनएस के तहत मुकदमे दो करोड़ रुपये से ज्यादा का जुर्माना रात में दोगुनी पुलिस गश्त थाना प्रभारी का बयान साफ अब एक भी अवैध खनन बर्दाश्त नहीं होगा, हर हाल में कार्रवाई जारी रहेगी।" नैनी और घूरपुर में ‘स्पेशल टास्क’ का कहर नैनी और घूरपुर में एडीएम प्रशासन, राजस्व और खनन विभाग की स्पेशल टीम ने मिलकर कई वाहनों को सीज किया। रास्तों को काट दिया गया ताकि दोबारा खनन न हो सके। मुकदमे दर्ज कर सख्त संदेश दिया गया।

बारा में भी कार्रवाई—हर तरफ शिकंजा

बारा क्षेत्र में भी अवैध खनन से जुड़े वाहनों को सीज कर दिया गया है। पूरे यमुनापार में प्रशासनिक सख्ती का असर साफ दिख रहा है। लेकिन…सबसे बड़ा सवाल—इन मजदूरों का क्या होगा? प्रशासनिक कार्रवाई के बीच सबसे ज्यादा मार पड़ी है उन गरीब मजदूरों पर,जिनकी जिंदगी का एकमात्र सहारा यही काम था। यमुना किनारे बसे हजारों परिवार आज अचानक बेरोजगार हो गए हैं। एक मजदूर की आंखों में आंसू और आवाज में गुस्सा— "हम चोर नहीं हैं, मजदूर हैं…मेहनत करके पेट पालते थे, अब वो भी छिन गया।" दूसरे मजदूर ने कहा—"सुबह घर से निकलते हैं काम की तलाश में, लेकिन शाम को खाली हाथ लौटते हैं। बच्चों के लिए दाल-रोटी तक मुश्किल हो गई है।"

महिलाओं का दर्द बच्चों का भविष्य अंधेरे में

एक महिला मजदूर ने बताया बरसात आने वाली है, घर की छत डालनी थी। अब सब अधूरा रह जाएगा। बच्चे स्कूल छोड़ने की बात कर रहे हैं, फीस देने के पैसे नहीं हैं।यमुना, जिसे ये लोग मां की तरह पूजते हैं, वही आज इनके लिए मजबूरी और दर्द का कारण बन गई है।

मशीनें चलेंगी तो मजदूर भूखे मरेंगे

मजदूरों का आरोप है कि बड़े ठेकेदारों की मशीनें (जेसीबी/पोकलैंड) काम कर रही हैं, लेकिन गरीब मजदूरों को पूरी तरह बाहर कर दिया गया है। सरकार मशीनों से काम कराएगी तो हम जैसे मजदूर कहां जाएंगे

आंदोलन की चेतावनी अब चुप नहीं बैठेंगे

गुस्साए मजदूरों और उनके संगठनों ने साफ कहा है—या तो रोजगार दो या वैध खनन का पट्टा दो वरना वे जल्द ही सड़कों पर उतरकर डीएम आवास का घेराव करेंगे और बड़ा आंदोलन करेंगे।

जमीनी हकीकत: कानून बनाम भूख

एक तरफ प्रशासन अवैध खनन रोकने के अपने अभियान को बड़ी सफलता बता रहा है, तो दूसरी तरफ जमीन पर सच्चाई यह है कि—घाट बंद हुए, लेकिन हजारों घरों के चूल्हे भी ठंडे पड़ गए। यमुना किनारे इस समय अजीब सा सन्नाटा है—न मशीनों की आवाज, न मजदूरों की हलचल…बस भूख, बेरोजगारी और गुस्से की खामोशी। यह खबर जमीनी पड़ताल और स्थानीय मजदूरों की आवाज पर आधारित है, जहां सख्ती के बीच इंसानी संकट सबसे बड़ा सवाल बनकर खड़ा है।
शंकरगढ़ के इंग्लिश मीडियम स्कूलों की खुली पोल: नाम अंग्रेजी का, पढ़ाई हिंदी में
प्रयागराज। शंकरगढ़ नगर में संचालित इंग्लिश मीडियम स्कूलों की व्यवस्थाओं पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। बोर्ड पर नाम तो इंग्लिश मीडियम का है, लेकिन कक्षाओं में शिक्षक हिंदी में ही पढ़ाते हैं। अभिभावकों का कहना है कि जब पढ़ाई हिंदी में हो रही है तो इंग्लिश मीडियम का टैग लगाने का औचित्य क्या है?अभिभावकों का आरोप है कि स्कूल प्रबंधन हर शैक्षिक सत्र में किताबें बदल देता है। उनका सवाल है कि क्या हर साल इतिहास, गणित या विज्ञान का पाठ्यक्रम बदल जाता है? पुरानी किताबें बेकार हो जाती हैं और अभिभावकों पर हर वर्ष नई महंगी किताबों का अतिरिक्त बोझ पड़ता है। स्थानीय लोगों के अनुसार, ज्यादातर स्कूलों में योग्य शिक्षक नहीं हैं। स्कूलों ने स्थानीय स्तर पर ऐसे शिक्षकों को रखा है जिनकी न तो अंग्रेजी पर पकड़ है और न ही हिंदी पर। इससे बच्चों की बुनियाद कमजोर हो रही है। बुनियादी सुविधाओं का भी अभाव भी है शंकरगढ़ के इन स्कूलों में बच्चों के लिए साफ और शुद्ध पेयजल तक की व्यवस्था नहीं है। गर्मी में बच्चे परेशान होते हैं, लेकिन प्रबंधन इस ओर ध्यान नहीं दे रहा है। शिक्षक अपनी खामी मानी जब एक पत्रकार के सवाल पर स्कूल की एक शिक्षिका ने खुद स्वीकार किया कि "आपकी बात जायज है। नाम इंग्लिश मीडियम है, लेकिन बातचीत हिंदी में हो रही है, जो गंभीर विषय है। अभिभावकों का कहना है कि जब फीस इंग्लिश मीडियम और सीबीएसई बोर्ड यूपी इंग्लिश मीडियम बोर्ड के नाम पर ली जाती है तो कक्षाओं में हिंदी का उपयोग क्यों होता है? शिक्षक आपस में भी हिंदी में बात करते हैं, जबकि स्कूल कैंपस में संवाद अंग्रेजी में होना चाहिए। इससे बच्चों पर सकारात्मक प्रभाव पड़ेगा और उनमें अंग्रेजी बोलने की उमंग जगेगी। अभिभावकों ने शिक्षा विभाग से मांग की है कि इंग्लिश मीडियम के नाम पर चल रहे इन स्कूलों की जांच की जाए। मानकों का पालन न करने वाले स्कूलों पर कार्रवाई हो, ताकि बच्चों का भविष्य अंधकार में न जाए।
रामनगरी की सुंदरता पर अतिक्रमण का दाग: ठेले और ई-रिक्शा से जाम, जनता परेशान
अयोध्या। प्रभु श्रीराम की पावन नगरी अयोध्या में अवैध अतिक्रमण की समस्या लगातार गंभीर होती जा रही है। राम जन्मभूमि क्षेत्र के अंतर्गत श्रीराम हॉस्पिटल–रेलवे स्टेशन रोड पर ठेला और ई-रिक्शा चालकों के कब्जे से यातायात व्यवस्था चरमरा गई है। सड़क और फुटपाथ पर अतिक्रमण के कारण राहगीरों, श्रद्धालुओं और स्थानीय नागरिकों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।

* फुटपाथ पर दुकानें, सड़क पर जाम
सड़कों के किनारे और फुटपाथों पर ठेला लगाकर अवैध रूप से दुकानें संचालित की जा रही हैं। इससे न सिर्फ यातायात बाधित हो रहा है, बल्कि रोजाना जाम की स्थिति बन रही है। रेलवे स्टेशन और राम मंदिर क्षेत्र की ओर आने-जाने वाले यात्रियों को सबसे ज्यादा दिक्कत झेलनी पड़ रही है।

* कार्रवाई सिर्फ औपचारिकता तक सीमित
स्थानीय लोगों का आरोप है कि प्रशासन समय-समय पर अतिक्रमण हटाने का अभियान तो चलाता है, लेकिन वह केवल औपचारिकता बनकर रह जाता है। कुछ देर के लिए सड़कें खाली होती हैं, लेकिन टीम के जाते ही दोबारा कब्जा हो जाता है।

* प्रशासन पर मिलीभगत के आरोप
नागरिकों का कहना है कि प्रशासन की लापरवाही या कथित मिलीभगत के चलते अवैध कब्जे लगातार बढ़ रहे हैं। इससे रामनगरी की छवि भी प्रभावित हो रही है, जबकि अयोध्या देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं का प्रमुख केंद्र है।

* स्थायी कार्रवाई की मांग
स्थानीय जनता ने प्रशासन से मांग की है कि अवैध ठेले, ई-रिक्शा और सड़क किनारे संचालित दुकानों पर स्थायी और सख्त कार्रवाई की जाए, ताकि यातायात व्यवस्था सुचारु हो सके और रामनगरी की गरिमा बनी रहे।

* लोगों में बढ़ रही नाराजगी
अब तक ठोस कार्रवाई न होने से लोगों में नाराजगी बढ़ती जा रही है। नागरिकों का कहना है कि अगर जल्द समाधान नहीं हुआ तो समस्या और विकराल रूप ले सकती है।
व्यक्तित्व निर्माण में शिक्षा का विशेष योगदान होता है : प्रोफेसर शोभा गौड़
*शिक्षा से आत्मविश्वास, अनुशासन, नेतृत्व क्षमता और सकारात्मक सोच का विकास होता है: रामसकल
*श्रीमाता प्रसाद माता भीख इंटर कॉलेज का स्थापना दिवस मनाया गया
मीरजापुर। 79 वर्षों से शिक्षा को संस्कार बनाने और ज्ञान को चरित्र में ढालने का प्रयास करते हुए नगर के मध्य स्थित श्री माता प्रसाद माता अधिक इंटर कॉलेज विद्यालय परिवार में स्थापना दिवस और संस्थापक जयंती समारोह का आयोजन किया।
समारोह का शुभारंभ मुख्य अतिथि मां विंध्यवासिनी राज्य विश्वविद्यालय की कुलपति प्रोफेसर शोभा गौड़,  विशिष्ट अतिथि निवर्तमान राज्यसभा सांसद राम सकल और  जिला विद्यालय निरीक्षक मायाराम के द्वारा मां सरस्वती की प्रतिमा पर माल्यार्पण और उत्कर्ष के प्रतीक दीप प्रज्वलन के साथ हुआ।
मुख्य अतिथि ने बच्चों को आशीर्वाद देते हुए कहा कि व्यक्तित्व निर्माण में शिक्षा का विशेष योगदान होता है। शिक्षा से आत्मविश्वास, अनुशासन, नेतृत्व क्षमता और सकारात्मक सोच का विकास होता है। यह हमें जीवन की चुनौतियों का सामना करने की शक्ति प्रदान करती है। केवल डिग्री प्राप्त करना ही शिक्षा का उद्देश्य नहीं है, बल्कि एक अच्छा इंसान बनना ही सच्ची शिक्षा का लक्ष्य होना चाहिए।
विशिष्ट अतिथि के रूप में पूर्व राज्यसभा सांसद रामसकल ने अपने संबोधन में कहा कि ऐसे आयोजनों से बालक की विशेष योग्यताओं के साथ ही शारीरिक, मानसिक, संवेगात्मक तथा सामाजिक क्रियाओं का विकास होता है। जिला विद्यालय निरीक्षक मिर्जापुर ने विद्यालय के पठन पाठन अनुशासन कि सराहना करते हुए कहा की निश्चित ही यह विद्यालय बालकों की अंदर नई शक्तियों, क्षमताओं का स्वाभाविक एवं प्रगतिशील विकास कर रहा है। राष्ट्रवादी मंच के अध्यक्ष मनोज कुमार श्रीवास्तव जी ने अपने आशीर्वचन में कहा कि व्यक्तित्व का वास्तविक विकास तभी संभव है जब शिक्षा के साथ संस्कार भी जुड़े हों। शिक्षा जीवन को उद्देश्यपूर्ण और सफल बनाने का मार्ग प्रशस्त करती है। मुख्य अतिथि एवं विशिष्ट अतिथियों द्वारा विद्यालय के प्रतिभावान प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त विभिन्न कक्षाओं के छात्र-छात्राओं को मेडल एवं प्रमाण पत्र देकर सम्मानित किया गया।
पिछले वर्ष इंटरमीडिएट की टॉपर जिज्ञासा दुबे, आयुष यादव, यथार्थ पाठक को भी सम्मानित किया गया। इस अवसर पर विद्यालय के पूर्व छात्रों डॉ बलराम मौर्य, डॉक्टर निहाल प्रजापति, गौरव यादव, शुभम पांडेय को उनकी सफलता के लिए सम्मानित किया गया। विद्यालय के छात्राओं द्वारा मनोहारी प्रस्तुति दी गई जिसमें शिव तांडव भ्रूण हत्या तथा सोशल मीडिया के माध्यम से मोबाइल के दुरुपयोग पर दिए गए संदेशों की सभी अतिथि गणों ने भूरी भूरी प्रशंसा की।
समारोह में अखिल भारतीय वैश्य महासभा के प्रदेश महामंत्री शैलेंद्र अग्रहरी नगर पालिका अध्यक्ष श्याम सुंदर केसरी, जिला पंचायत अध्यक्ष राजू कनौजिया, पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष मनोज जायसवाल, अनुज उमर, डिस्ट्रिक्ट बार एसोसिएशन के अध्यक्ष अभय राज सिंह, पूर्व अध्यक्ष अशोक सिंह आशीर्वाद प्राप्त हुआ। विद्यालय द्वारा, प्रबंधक अरुण कुमार मिश्रा, प्रमोद कुमार सिंह, कमलेश कुमार केसरवानी, अतुल जायसवाल, डॉ मधुलिका सिंह, प्रधानाचार्य दिनेश कनौजिया, अशोक कनौजिया, डॉ संतोष कुमार सिंह, प्रधान अध्यापक संतोष सोनकर, प्रधानाचार्य अनीता यादव, दीपा मौर्य, पूर्व जिला अध्यक्ष श्री उमाशंकर पांडेय को विद्यालय के प्रबंधक अतिन कुमार एवं प्रधानाचार्य प्रेमचंद यादव द्वारा सम्मानित किया गया। अध्यक्षता पूर्व प्रबंधक बैकुंठ नाथ गुप्त एवं संचालन रफ्तार रमेश कुमार द्विवेदी और संजय सिंह ने किया।
युवती की हत्या में आरोपी का नामजद पिता गिरफ्तार
रितेश मिश्रा
हरदोई।मल्लावा थाना के ग्राम गढ़ी रसूलपुर में 13 अप्रैल को युवती की हत्या में नामजद दूसरे आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है।पचीस हजार के इनामी मुख्य आरोपी को पुलिस पूर्व में जेल भेज चुकी है।
       प्राप्त विवरण में 13 अप्रैल को मल्लावां क्षेत्रान्तर्गत ग्राम गढी रसूलपुर में शिल्पी कुशवाहा पुत्री रामरहीश की ऋषभ द्विवेदी पुत्र प्रमोद निवासी ग्राम गढी रसूलपुर थाना मल्लावां द्वारा फावडे से वार कर हत्या कर दी गयी है। प्राप्त सूचना पर स्थानीय पुलिस द्वारा मौके पर पहुँचकर घटनास्थल का निरीक्षण कर शव का नियमानुसार पंचायतनामा की कार्यवाही पूर्ण कर पोस्टमार्टम हेतु मोर्चरी भेजा गया। वादी की तहरीर के आधार पर थाना मल्लावां पर आरोपी और उसके पिता के विरुद्ध अभियोग पंजीकृत किया गया।
       पुलिस अधीक्षक अशोक कुमार मीणा द्वारा घटनास्थल का निरीक्षण कर आरोपियों की शीघ्र गिरफ्तारी हेतु अपर पुलिस अधीक्षक पूर्वी व क्षेत्राधिकारी बिलग्राम के नेतृत्व में टीमें गठित कर आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए थे।
       उप निरीक्षक शिवाकांत पाण्डेय द्वारा उक्त अभियोग से संबंधित नामजद प्रमोद पुत्र प्यारे लाल निवासी ग्राम गढी रसलपर को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया। 15 अप्रैल को उक्त अभियोग से संबंधित मुख्य आरोपी ऋषभ द्विवेदी को आला कत्ल फावडा सहित गिरफ्तार कर न्यायालय के समक्ष पेश किया जा चुका है।
भगवान परशुराम जन्मोत्सव धूमधाम से मनाया, शहर में निकली भव्य शोभायात्रा*
रितेश मिश्रा
हरदोई। भगवान परशुराम जन्मोत्सव के अवसर पर आज अखिल भारतीय ब्राह्मण महासभा हरदोई के जिलाध्यक्ष नीरज अवस्थी के नेतृत्व मे श्रीशचंद्र बारात घर मे भगवान परशुराम के चित्र पर विधि विधान से पूजन करके मनाया गया। इस अवसर पर हरदोई नगर मे भव्य शोभायात्रा निकाली गयी, श्रीशचंद्र बारात घर से शुरू होकर नगर के नुमाइश चौराहा से बड़ा चौराहा से सिनेमा चौराहा से लखनऊ चुंगी से रेलवेगंज से जिन्दपीर चौराहा होते हुये जेल रोड से वापस आकर बारात घर पर सम्पन्न हुई। बारात घर पर विशाल भंडारे का आयोजन किया गया।
जन्मोत्सव कार्यक्रम मे मुख्य रूप से उच्च शिक्षा राज्यमंत्री रजनी तिवारी, जिला पंचायत अध्यक्ष प्रेमावती वर्मा, भाजपा जिलाध्यक्ष अजीत सिंह बब्बन, कांग्रेस जिलाध्यक्ष विक्रम पाण्डेय, नगर पालिका अध्यक्ष सुख सागर मिश्रा मधुर, सपा कोषाध्यक्ष अवनीकांत बाजपेई, संघठन पदाधिकारी शिवम तिवारी, रंजीत शुक्ला, दुर्गा प्रसाद मिश्रा, प्रदीप त्रिपाठी, ऋषिकांत मिश्रा, पूर्व अध्यक्ष नगर पालिका उमेश अग्रवाल, पूर्व प्रत्याशी नगर पालिका पारुल दीक्षित, भाजपा उपाध्यक्ष प्रितेश दीक्षित, अलका गुप्ता,ब्लॉक प्रमुख खुशी बाजपेई, नगर अध्यक्ष भाजपा मुदित बाजपेई, बार एसोसिएशन अध्यक्ष  जेपी त्रिवेदी, कमलेश अवस्थी, आदर्श दीपक मिश्रा, मुनि मिश्रा, हनी मिश्रा, अम्बुज शुक्ला,अनुराधा मिश्रा, रीना शुक्ला, अंजना त्रिपाठी,

अविनाश मिश्रा, सतेंद्र मिश्रा, उत्तम मिश्रा, पुनीत मिश्रा, हंन्नू दीक्षित, मनोज शुक्ला, गौरव शुक्ला,अवधेश मिश्रा,शैलेश अवस्थी, रवी दीक्षित, अमित मिश्रा, अमित त्रिवेदी रानू, अंकित अवस्थी,अभिषेक तिवारी, विकास मिश्रा, मृदुलकांत पाण्डेय, कुलदीप मिश्रा, आशीष पाण्डेय, रजत अवस्थी, रामलखन अवस्थी, सतेंद्र तिवारी, अथर्व अवस्थी,शिवम दीक्षित, अंकुर अवस्थी, अनमोल मिश्रा, राजन मिश्रा, रजनीश त्रिपाठी, लवकुश त्रिपाठी, राहुल शुक्ला,धनंजय मिश्रा, उत्कर्ष दीक्षित, उत्कर्ष पाठक, शिवम दीक्षित, प्रभात अग्निहोत्री, अंशुल मिश्रा, अशोक अग्निहोत्री, आनंद पाण्डेय, वंदना पाण्डेय, रामकिशोर शुक्ला, प्रशांत मिश्रा पुतानी, उमेश मिश्रा, प्रशांत त्रिपाठी, दीपक शुक्ला,आदित्य त्रिपाठी,शशांक मिश्रा शुशांत तिवारी, रजनीश प्रजापति, राहुल अवस्थी, आशुतोष अवस्थी, पंकज शुक्ला, अनूप द्विवेदी, नीरज तिवारी, नीरज मिश्रा सहित हजारों लोग सम्मिलित रहे इस अवसर पर शोभा यात्रा मे नगर मे विभिन्न स्थानों पर पुष्प वर्षा व जलपान वितरित किया गया महात्मा गाँधी मार्ग पर पूर्व प्रत्याशी नगर पालिका पारुल दीक्षित, सिनेमा रोड पर सभासद अभिषेक मिश्रा हनी सरकुलर रोड पर नीरज मिश्रा, रेलवे गंज मे जिला पंचायत सदस्य सचिन मिश्रा, पुनीत मिश्रा द्वारा स्वागत व प्रसाद वितरण किया गया।