कम हो गई कड़वाहट! राहुल गांधी और मल्लिकार्जुन खरगे से मिले शशि थरूर
#shashitharoormeetrahulgandhiandkharge
कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने गुरुवार को संसद में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे से मुलाकात की। यह मुलाकात ऐसे समय में हुई है जब शशि थरूर की पार्टी नेतृत्व से नाराजगी की खबरें आ रही हैं।
संसद में गुरुवार को कांग्रेस सांसद शशि थरूर राहुल गांधी के ऑफिस में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और राहुल गांधी से मुलाकात की। यह आधे घंटे से अधिक समय तक चली। इस बैठक के बाद थरूर ने मुस्कुराते हुए कहा, "सब ठीक है।" उनके इस बयान ने कांग्रेस के भीतर चल रहे मतभेदों और असंतोष की खबरों पर फिलहाल विराम लगा दिया है।
हम सब एक साथ मिलकर काम कर रहे- थरूर
कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने कहा, 'मेरी पार्टी के 2 नेताओं, नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस अध्यक्ष के साथ हमारी बातचीत हुई। हमारी बहुत अच्छी, रचनात्मक, सकारात्मक बातचीत हुई। सब ठीक है और हम सब एक साथ मिलकर काम कर रहे हैं। मैं और क्या कह सकता हूं?... मैंने हमेशा पार्टी के लिए प्रचार किया है, मैंने कहां प्रचार नहीं किया है?
उम्मीदवार बनने में कोई दिलचस्पी नहीं-थरूर
जब उनसे पूछा गया कि क्या केरल के मुख्यमंत्री के बारे में बात हुई, तो उन्होंने कहा, 'नहीं, इस बारे में कभी बात नहीं हुई। मुझे किसी भी चीज़ के लिए उम्मीदवार बनने में कोई दिलचस्पी नहीं है। अभी, मैं पहले से ही सांसद हूं और तिरुवनंतपुरम के मेरे वोटर्स का मुझ पर भरोसा है। मुझे संसद में उनके हितों का ध्यान रखना है, यही मेरा काम है।'
शशि थरूर लगातार सुर्खियों में
बता दें कि हाल के महीनों में शशि थरूर लगातार सुर्खियों में रहे हैं। कभी प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की तारीफ को लेकर। कभी पार्टी बैठकों से दूरी को लेकर। कभी केरल कांग्रेस की अंदरूनी राजनीति को लेकर। बीते कुछ समय में शशि थरूर ने कई अहम बैठकों में हिस्सा नहीं लिया। केरल चुनाव की रणनीति पर होने वाली बैठक में वे नहीं पहुंचे। सोनिया गांधी के आवास पर हुई मीटिंग भी मिस की। वजह यात्रा बताई गई। लेकिन पार्टी सूत्रों के मुताबिक अंदरूनी नाराजगी की बात भी सामने आई।
थरूर ने माना-कुछ मुद्दे हैं
वहीं, थरूर ने सार्वजनिक रूप से स्वीकार किया था कि कुछ मुद्दे हैं, जिन्हें वे पार्टी के मंच पर उठाना चाहते हैं। उन्होंने जोर देकर कहा था कि उन्होंने कभी भी संसद में पार्टी के तय रुख का उल्लंघन नहीं किया है। थरूर ने कहा था, 'मैं बस इतना कह सकता हूं कि कुछ ऐसे मुद्दे हैं जिन्हें मुझे अपने पार्टी नेतृत्व के साथ उठाना है, न कि किसी सार्वजनिक मंच पर। मैं संसद के लिए दिल्ली जाऊंगा, और मुझे मौका मिलेगा, मेरा मानना है, कि मैं अपनी चिंताओं को पार्टी नेतृत्व के सामने बहुत स्पष्ट रूप से रख सकूं और उनका दृष्टिकोण जान सकूं, एक उचित बातचीत कर सकूं।'
39 min ago
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