एक अप्रैल से शुरू होगा विशेष संचारी रोग नियंत्रण अभियान
रिपोर्टर - नितेश श्रीवास्तव

भदोही। कलक्ट्रेट सभागार में डीएम शैलेश कुमार व एसपी अभिनव त्यागी ने अधिकारियों संग एक अप्रैल से शुरू होने वाले विशेष संचारी रोग नियंत्रण संबंधित बैठक विभागीय अधिकारियों संग ली। मलेरिया, डेंगू, चिकनगुनिया व डायरिया बीमारी से बचाव को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है। इस दौरान डीएम ने बताया कि मलेरिया, डेंगू, चिकनगुनिया, डायरिया, दिमागी बुखार आदि संचारी रोगों से जुडे़ मामलों की आशंका को देखते हुए विशेष अभियान एक अप्रैल से शुरू होगा। अधिकारियों को निर्देशित किए कि एक अप्रैल से पहले संचारी रोग नियंत्रण से संबंधित समस्त व्यवस्था कर ली जाए। साप्ताहिक बन्दी में स्वच्छता, सैनिटाइजेशन तथा फॉगिंग का विशेष कार्यक्रम संचालित किया जाए
भारत-म्यांमार सीमा पर बड़ी साजिश नाकाम, मिजोरम में 23.72 करोड़ रुपये की मेथम्फेटामाइन की गोलियां जब्त

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भारत-म्यांमार सीमा के पास सुरक्षा बलों को बड़ी सफलता हाथ लगी है। एंटी नॉरकोटिक्स डिपार्टमेंट ने एक बड़े ऑपरेशन में 23.72 करोड़ रुपये की 7.907 किलो की मेथाएंफीटामाइन टैबलेट जब्त की हैं। यह ऑपरेशन सीमा के पास मिजोरम के चंफाई जिले में हुआ है। ऑपरेशन में असम रायफल्स और चंफाई पुलिस ने मिलकर कार्रवाई की।

लावारिस खड़े वाहन में मिली भारी मात्रा में ड्रग्स बरामद

यह संयुक्त अभियान सीमा क्षेत्र के एक संवेदनशील मार्ग ह्मुनह्मेल्था रोड के पास चलाया गया। इस इलाके को तस्करी के लिहाज से संवेदनशील माना जाता है, जहां से अक्सर अवैध गतिविधियों की सूचनाएं मिलती रहती हैं। इसी आधार पर सुरक्षाबलों ने सघन तलाशी अभियान शुरू किया। तलाशी के दौरान टीम को मौके पर एक लावारिस वाहन संदिग्ध अवस्था में खड़ा मिला। जब सुरक्षा कर्मियों ने वाहन की बारीकी से जांच की, तो उसमें छिपाकर रखी गई भारी मात्रा में मेथामफेटामाइन गोलियां बरामद हुईं।

अंतरराष्ट्रीय बाजार में 23.72 करोड़ कीमत

मेथामफेटामाइन गोलियां बरामद हुईं। कुल 7.907 किलोग्राम नशीला पदार्थ जब्त किया गया, जो हाल के समय में इस क्षेत्र की सबसे बड़ी बरामदगियों में से एक माना जा रहा है। अधिकारियों ने बताया कि बरामद की गई मेथामफेटामाइन की अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत लगभग 23.72 करोड़ रुपए बताई जा रही है। यह खेप संभवतः अंतरराष्ट्रीय तस्करी नेटवर्क के माध्यम से भारत में लाई जा रही थी, जिसे समय रहते पकड़ लिया गया।

क्या होती है मेथाएंफीटामाइन, जो भारत में बैन

मेथाएंफीटामाइन को शॉर्ट फॉर्म में मेथ भी कहते हैं। इसका इस्तेमाल अटेंशन डेफिसिट हाइपरएक्टिविटी डिसऑर्डर (ADHD) में किया जाता है। दवा के रूप में इसका इस्तेमाल फोकस बनाए रखने और इंपल्सिव बर्ताव को कमतर करने में किया जाता है। यह एक तरह का स्टीमुलेंट है, जो शरीर के सेंट्रल नर्वस सिस्टम की स्पीड बढ़ा देती है। यह डोपामाइन लेवल को भी बढ़ा देती है, जो एक ब्रेन केमिकल होता है और चलने-फिरने में अहम भूमिका निभाता है। डोपामाइन दिमाग को ऐसे सिग्नल भेजता है, जो आपको खुश महसूस कराने वाले बर्ताव को आपसे बार-बार कराता है।

केंद्रीय राज्यमंत्री जयंत चौधरी को जान से मारने की धमकी, पंश्चिम बंगाल से आया फोन

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केंद्रीय मंत्री जयंत चौधरी को शुक्रवार को एक अनजान नंबर से जान से मारने की धमकी भरा फोन आया। यह धमकी उनके निजी सहायक विश्वेंद्र शाह को फोन और व्हाट्सएप के माध्यम से दी गई। उन्होंने इस बारे में पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है। धमकी देने वाले की पहचान पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद के इस्माइल के तौर पर हुई है।

आरोपी के पास कहां से आई मंत्री के सरकारी दौरे की योजना?

शिकायत दिल्ली के तुगलक सड़क थाने में दर्ज कराई गई है। नई दिल्ली जिला पुलिस उपायुक्त सचिन शर्मा ने इस घटना की पुष्टि की है। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच तेज कर दी है। सुरक्षा एजेंसियां मंत्री की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा कर रही हैं। धमकी के पीछे के मकसद का पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है। चौंकाने वाली बात यह है कि आरोपी के पास मंत्री के सरकारी दौरे की योजना की कॉपी भी मौजूद थी।

व्हाट्सएप पर मंत्री का 'सरकारी टूर प्रोग्राम' भेजा

पुलिस एफआईआर से मिली जानकारी के मुताबिक, 18 मार्च को सुबह करीब 11 बजे मंत्री के मोबाइल नंबर पर कॉल आया। कॉल करने वाले व्यक्ति ने जान से मारने की धमकी दी। उसने पूछा कि क्या फोन पर भेजे गए कागजात देखे हैं। व्हाट्सएप पर मंत्री का 'सरकारी टूर प्रोग्राम' भेजा गया था, जिस पर स्पष्ट रूप से 'इनको गोली मार दो' लिखा था। इसके अतिरिक्त, व्हाट्सएप पर लोकेशन और वॉयस मैसेज भी भेजे गए जिनमें लगातार जान से मारने की धमकियां थीं। जब दोबारा उस नंबर पर फोन किया गया तो धमकी देने वाले ने बताया कि टूर प्रोग्राम उसे 'ऊपर से' भेजा गया था।

टूर प्लान लीक होने के बाद बढ़ी चिंता

पुलिस के मुताबिक, कुछ दिन पहले केंद्रीय राज्यमंत्री पश्चिम बंगाल के एक कार्यक्रम में शामिल हुए थे और वहां से लौटकर दिल्ली आए। इसके बाद उनका आगरा में भी एक सार्वजनिक कार्यक्रम तय था। यह पूरा टूर प्लान केवल सीमित लोगों तक ही था, लेकिन बाद में यह जानकारी सोशल मीडिया पर वायरल हो गई।

जयंत चौधरी कौन हैं?

जयंत चौधरी एक जाने-माने राजनेता हैं, जो अभी केंद्र सरकार में केंद्रीय राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) के तौर पर काम कर रहे हैं। वह राष्ट्रीय लोक दल (RLD) के राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं। RLD एक क्षेत्रीय राजनीतिक पार्टी है, जिसका पश्चिमी उत्तर प्रदेश में मजबूत जनाधार है।

गोसाईं बाबा बालिका इंटर कॉलेज गोपालपुर भदैंया में आयोजन किया गया*
सुल्तानपुर,सामाजिक वानिकी वन प्रभाग सुल्तानपुर द्वारा विश्व गौरैया दिवस के अवसर पर गोसाईं बाबा बालिका इंटर कॉलेज गोपालपुर भदैंया में आयोजन किया गया। पूर्व में हुई चित्र कला प्रतियोगिता में प्रथम स्थान वर्षा, द्वितीय पलक पाण्डेय और तृतीय स्थान पर अन्याय तिवारी रही। सभी को शील्ड और मेडल और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम के मुख्यातिथि कृष्ण प्रकाश दर्जी पर्यावरण निदेशालय रहे उन्होंने बताया कि वन विभाग उत्तर प्रदेश थीम पर छोटे पक्षियों को बचाना अपने भविष्य को बचाना है। गौरैया केवल एक पक्षी नहीं, बल्कि हमारे पर्यावरण का अभिन्न हिस्सा है। इस मौके पर अतुल कुमार सिंह उप क्षेत्रीय वनाधिकारी ने बताया कि भारत में गौरैया सिर्फ पक्षी नहीं, बल्कि संस्कृति का हिस्सा हैं। हिंदी में ‘गोरैया’, तमिल में ‘कुरुवी’, और उर्दू में ‘चिर्या’ कहलाती हैं। पीढ़ियों से ये घरों में खुशियां बिखेरती आई हैं, लेकिन गौरैया की संख्या चिंताजनक तरीके से घट रही है। हम सभी को संकल्प लेना होगा पक्षियों के लिए जलपत्र और घोंसले का प्रबंध करना चाहिए। कटका क्लब के अध्यक्ष डॉ सौरभ मिश्र विनम्र के द्वारा गौरैया आओ मेरे देश अभियान और पर्यावरण के क्षेत्र में सराहनीय कार्य करने के लिए वन विभाग सुल्तानपुर के द्वारा सम्मानित किया गया है। इस मौके पर दर्जनों घोंसले का वितरण किया गया। कार्यक्रम के दौरान प्रधानाचार्य अनुराग पांडेय, कृष्णावती पांडेय, ममता सिंह, निशा चौरसिया, ज्ञान सिंह वन रक्षक, बृजेंद्र मिश्र सहित दर्जनों लोग उपस्थित रहे।
पुलिस चौकी के पास गांजे का खुला खेल, वीडियो वायरल के बाद भी कार्रवाई नहीं — आखिर किसके संरक्षण में चल रहा नशे का नेटवर्क?

नैनी में बेखौफ नशा कारोबार! चौकी से चंद कदम दूर बिक्री, सवालों के घेरे में पुलिस- प्रशासन, मास्टरमाइंड कौन?

सेविश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज नैनी थाना क्षेत्र के अंतर्गत मामा-भांजा पुलिस चौकी के समीप खुलेआम गांजा बिक्री का मामला अब तूल पकड़ता जा रहा है। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि चौकी से कुछ ही दूरी पर बेखौफ तरीके से गांजे की खरीद-फरोख्त की जा रही है, लेकिन हैरानी की बात यह है कि अभी तक इस मामले में कोई ठोस कार्रवाई सामने नहीं आई है। वायरल वीडियो सामने आने के बाद स्थानीय लोगों में आक्रोश बढ़ गया है। लोगों का कहना है कि जब चौकी के पास ही इस तरह नशे का कारोबार चल रहा है, तो इससे साफ जाहिर होता है कि या तो जिम्मेदार अधिकारियों को इसकी जानकारी नहीं है, या फिर जानकारी होने के बावजूद अनदेखी की जा रही है। दोनों ही स्थिति कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करती है। सूत्रों की मानें तो यह कोई एक-दो दिन का मामला नहीं, बल्कि लंबे समय से चल रहा नेटवर्क बताया जा रहा है। ऐसे में सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि आखिर इतना बड़ा नशे का कारोबार किसके संरक्षण में चल रहा है और इसका मास्टरमाइंड कौन है। स्थानीय लोगों ने मांग की है कि पूरे मामले की जांच केवल चौकी स्तर पर नहीं, बल्कि उच्च अधिकारियों की निगरानी में कराई जाए। क्षेत्रीय नागरिकों का कहना है कि इस मामले में चौकी प्रभारी, थाना स्तर के अधिकारी और संबंधित विभाग के जिम्मेदार अफसरों की भूमिका की भी जांच होनी चाहिए। यदि चौकी से चंद कदम दूर खुलेआम गांजा बिक रहा था, तो क्या चौकी प्रभारी को इसकी जानकारी नहीं थी? अगर जानकारी थी, तो अब तक कार्रवाई क्यों नहीं की गई? लोगों ने यह भी सवाल उठाया है कि वायरल वीडियो में साफ दिखाई दे रही गतिविधियों के बाद भी प्रशासन की चुप्पी कई संदेह पैदा कर रही है। क्या अधिकारियों को यह सब दिखाई नहीं दिया, या फिर किसी दबाव के कारण कार्रवाई नहीं हो रही है? स्थानीय लोगों ने मांग की है कि मामले की निष्पक्ष जांच कराते हुए थाना नैनी पुलिस, चौकी स्टाफ, संबंधित बीट सिपाहियों और नशा कारोबार से जुड़े संभावित गिरोह की भूमिका की हर एंगल से जांच की जाए। साथ ही यह भी पता लगाया जाए कि आखिर इस पूरे नेटवर्क का मास्टरमाइंड कौन है, जो इतने दिनों से पुलिस चौकी के पास ही नशे का कारोबार चलवा रहा था। जनता ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द सख्त कार्रवाई नहीं हुई तो मामले को उच्च अधिकारियों तक पहुंचाया जाएगा और बड़े स्तर पर शिकायत की जाएगी।

तमंचे के दम पर दबंगई पड़ी भारी: माल पुलिस ने आरोपी को हथियार समेत किया गिरफ्तार

लखनऊ। राजधानी के थाना माल क्षेत्र में अवैध हथियार के बल पर धमकी और विवाद करने वाले एक आरोपी को पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए गिरफ्तार कर लिया। आरोपी के कब्जे से .315 बोर का देशी तमंचा और एक जिंदा कारतूस बरामद हुआ है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, 19 मार्च 2026 को कस्बा माल निवासी उदयवीर सिंह ने थाना माल में शिकायत दर्ज कराई कि वह अपने निजी मकान का निर्माण करा रहे थे, तभी धर्मेन्द्र सिंह नामक व्यक्ति वहां पहुंचा और अवैध तमंचा दिखाकर गाली-गलौज व झगड़ा करने लगा।
शिकायत के आधार पर थाना माल पुलिस ने तत्काल मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई शुरू की। उपनिरीक्षक रवि कुमार कटियार अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे और आरोपी धर्मेन्द्र सिंह को घेराबंदी कर गिरफ्तार कर लिया। तलाशी के दौरान उसके पास से .315 बोर का अवैध देशी तमंचा और एक जिंदा कारतूस बरामद हुआ।
पुलिस ने आरोपी के खिलाफ बीएनएस की विभिन्न धाराओं के साथ-साथ आर्म्स एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है और आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, क्षेत्र में अवैध हथियार रखने वालों और कानून व्यवस्था भंग करने वालों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। इस कार्रवाई से यह साफ संदेश गया है कि लखनऊ पुलिस अपराध और दबंगई के खिलाफ पूरी तरह सख्त है।
मिशन शक्ति फेज-5: महिलाओं के सशक्तीकरण की नई पहल शुरू, ड्राइविंग ट्रेनिंग से लेकर ‘एक दिन की डीएम’ तक कई बड़े प्रावधान
लखनऊ । महिलाओं की सुरक्षा और सशक्तीकरण को लेकर चलाए जा रहे मिशन शक्ति अभियान के फेज-5 के दूसरे चरण की शुरुआत पहले नवरात्र से कर दी गई है। इस बार सरकार ने अभियान को केवल सुरक्षा तक सीमित न रखते हुए इसे नवाचार, सहभागिता और आत्मनिर्भरता से जोड़ दिया है।

इस चरण में महिलाओं और युवतियों को सशक्त बनाने के लिए कई नई और प्रभावी योजनाएं शामिल की गई हैं। सबसे प्रमुख पहल ‘ड्राइविंग माय ड्रीम्स’ है, जिसके तहत प्रत्येक जिले में कम से कम 100 महिलाओं और युवतियों को ड्राइविंग प्रशिक्षण देकर उन्हें रोजगार के अवसरों से जोड़ा जाएगा। इसका उद्देश्य महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाना है।

इसके अलावा ‘एक दिन की जिलाधिकारी’ कार्यक्रम के तहत मेधावी बालिकाओं को प्रशासनिक अनुभव दिया जाएगा, जिससे वे शासन-प्रशासन की कार्यप्रणाली को करीब से समझ सकें और आत्मविश्वास विकसित कर सकें।

अभियान में पहली बार ‘हक की बात जिलाधिकारी के साथ’ नाम से संवाद कार्यक्रम शुरू किया गया है, जिसमें महिलाएं सीधे जिलाधिकारी के सामने अपनी समस्याएं रख सकेंगी। इससे शिकायत निवारण प्रणाली को अधिक पारदर्शी और प्रभावी बनाने की कोशिश की गई है।

शिक्षा और कौशल विकास को बढ़ावा देने के लिए विश्वविद्यालयों और कॉलेजों के साथ डिजिटल एमओयू किए जा रहे हैं, ताकि छात्राओं को प्रशिक्षण और करियर मार्गदर्शन मिल सके।

तकनीक के उपयोग को बढ़ावा देते हुए प्रदेश के आठ बड़े शहरों में डिजिटल स्क्रीन के माध्यम से महिला सुरक्षा से जुड़ी लघु फिल्मों का प्रदर्शन किया जाएगा। साथ ही सोशल मीडिया पर व्यापक अभियान चलाकर युवाओं और शहरी वर्ग को जोड़ा जाएगा।

नगर विकास विभाग के तहत ‘अमृत मित्र’ योजना के जरिए महिलाओं को जल प्रबंधन और शहरी सेवाओं में भागीदारी दी जाएगी, जबकि स्वयं सहायता समूहों को डिजिटल मार्केटिंग और स्वरोजगार से जोड़ा जाएगा।

मुख्य बिंदु:

‘एक दिन की जिलाधिकारी’ बनेंगी मेधावी बालिकाएं

‘ड्राइविंग माय ड्रीम्स’ से महिलाओं को ड्राइविंग प्रशिक्षण

‘हक की बात जिलाधिकारी के साथ’ संवाद कार्यक्रम

विश्वविद्यालयों के साथ डिजिटल एमओयू

डिजिटल मीडिया व सोशल मीडिया अभियान

‘अमृत मित्र’ योजना में महिलाओं की भागीदारी

स्वयं सहायता समूहों को डिजिटल मार्केटिंग से जोड़ना

रोजगार और कौशल विकास पर विशेष फोकस
ऑपरेशन कन्विक्शन में यूपी पुलिस की बड़ी कामयाबी: जानलेवा हमले के आरोपी को 5 साल की सजा
लखनऊ । राजधानी में चलाए जा रहे ‘ऑपरेशन कन्विक्शन’ अभियान के तहत थाना तालकटोरा पुलिस को एक महत्वपूर्ण सफलता हासिल हुई है। प्रभावी पैरवी और मजबूत साक्ष्यों के आधार पर जानलेवा हमले के एक आरोपी को न्यायालय से कड़ी सजा दिलाई गई है।
पुलिस महानिदेशक राजीव कृष्ण के निर्देशों पर अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और अधिकतम सजा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से यह अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में पुलिस आयुक्त अमरेन्द्र कुमार सेंगर और संयुक्त पुलिस आयुक्त अपराध एवं मुख्यालय अपर्णा कुमार के निर्देशन में यह कार्रवाई की गई।
मामला वर्ष 2021 के मुकदमा अपराध संख्या 224/2021 से संबंधित है, जिसमें अभियुक्त राम किशोर राठौर को थाना तालकटोरा पुलिस ने सुदृढ़ विवेचना और वैज्ञानिक साक्ष्य संकलन के आधार पर न्यायालय में दोषी सिद्ध कराया।
माननीय जिला एवं सत्र न्यायालय, लखनऊ ने आरोपी को दोषी करार देते हुए भारतीय दंड संहिता की धारा 308 के तहत 5 वर्ष का सश्रम कारावास और ₹10,000 का जुर्माना तथा धारा 325 के तहत 3 वर्ष का सश्रम कारावास और ₹6,000 का जुर्माना सुनाया। दोनों सजाएं साथ-साथ चलेंगी।
इस सफलता के पीछे थाना तालकटोरा पुलिस की मजबूत विवेचना, सटीक साक्ष्य प्रस्तुतीकरण और निरंतर प्रभावी पैरवी की अहम भूमिका रही। प्रभारी निरीक्षक कुलदीप दुबे और कांस्टेबल सूर्यपाल यादव ने इस केस को अंजाम तक पहुंचाने में विशेष योगदान दिया।
‘ऑपरेशन कन्विक्शन’ के तहत इस तरह की कार्रवाई यह साबित करती है कि उत्तर प्रदेश पुलिस अपराधियों को सजा दिलाने के लिए पूरी प्रतिबद्धता और पेशेवर दक्षता के साथ कार्य कर रही है, जिससे कानून व्यवस्था और भी सुदृढ़ हो रही है।
हिंदू नववर्ष पर मेजा में ऐतिहासिक शोभायात्रा, जयकारों से गूंजा क्षेत्र, हजारों श्रद्धालु हुए शामिल

पटपरिया महादेव मंदिर से निकली भव्य यात्रा, सुजनी चौराहा तक उमड़ा जनसैलाब, युवाओं ने संभाली कमान

विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज। हिंदू नववर्ष के पावन अवसर पर गुरुवार को ग्राम पंचायत सुजनी क्षेत्र में भव्य और ऐतिहासिक शोभायात्रा का आयोजन किया गया। पटपरिया महादेव मंदिर से प्रारंभ हुई यह विशाल शोभायात्रा पालपट्टी होते हुए सुजनी चौराहा तक पहुंची, जहां पूरे मार्ग में श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ पड़ा। यात्रा के दौरान जय श्रीराम, हर हर महादेव और भारत माता के गगनभेदी नारों से पूरा क्षेत्र भक्तिमय हो उठा। शोभायात्रा की शुरुआत महादेव मंदिर में विधिवत पूजा-अर्चना के साथ हुई। इसके बाद ढोल-नगाड़ों, भगवा ध्वजों और भक्ति गीतों के साथ यात्रा आगे बढ़ी। रास्ते भर जगह-जगह लोगों ने पुष्प वर्षा कर स्वागत किया और श्रद्धालुओं के लिए जलपान की व्यवस्था भी की गई। महिलाओं, युवाओं और बुजुर्गों की बड़ी संख्या में सहभागिता ने कार्यक्रम को और भव्य बना दिया। इस आयोजन को सफल बनाने में क्षेत्र के युवाओं की महत्वपूर्ण भूमिका रही। प्रतीक सिंह, अमित तिवारी, राज पाण्डेय, संजय पाण्डेय, संजीव पाण्डेय, रोहन सोनी, अरविंद सोनी, श्लोक चौहान, अभी सिंह, सुन्दरम पाण्डेय, वीरू सिंह सहित कई युवाओं ने पूरे कार्यक्रम की व्यवस्था संभाली और यात्रा को सुव्यवस्थित तरीके से संपन्न कराया। पूरे मार्ग में सुरक्षा और व्यवस्था बनाए रखने के लिए स्थानीय लोगों का सहयोग सराहनीय रहा। शोभायात्रा के समापन पर सभी ने हिंदू नववर्ष को हर्षोल्लास के साथ मनाते हुए समाज में एकता, संस्कृति और धर्म की रक्षा का संकल्प लिया। इस भव्य आयोजन को लेकर क्षेत्र में दिनभर उत्सव जैसा माहौल बना रहा और लोगों ने इसे वर्षों में हुई सबसे बड़ी शोभायात्राओं में से एक बताया।
जिला अपराध निरोधक समिति की यमुनानगर यूथ टीम ने पुलिस अधिकारियों व लोक गायकों को किया सम्मानित

विश्वनाथ प्रताप सिंह, प्रयागराज। नवरात्रि पर्व व हिंदू नव वर्ष के पावन अवसर पर जिला अपराध निरोधक समिति की जमुना पार इकाई यूथ टीम ने सम्मान समारोह आयोजित किया।पुलिस अधिकारियों व सांस्कृतिक हस्तियों को अंगवस्त्र व स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया।

नवरात्रि की धूम और हिंदू नव वर्ष के उपलक्ष्य में जिला अपराध निरोधक समिति के सचिव संतोष कुमार श्रीवास्तव के निर्देश पर जमुना पार यूथ टीम ने विशेष पहल की। टीम प्रभारी मनीष विश्वकर्मा के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने पुलिस प्रशासनिक अधिकारियों व लोक गायकों से मुलाकात कर बधाई दी तथा उनके योगदान की सराहना की।पुलिस-जनता समन्वय को मजबूत करने की पहल

टीम सदस्य शिव प्रताप सिंह, अश्वनी कुशवाहा, अजीत प्रताप सिंह व नीरज मिश्रा के साथ आधुनिक समाचार के पत्रकार श्रीकांत के साथ विभिन्न थानों का भ्रमण कर निम्नलिखित अधिकारियों को अंगवस्त्र, हनुमान चालीसा चिन्ह व पुष्प भेंट किए गए:एसीपी करछना सुनील कुमार सिंह नैनी थाना प्रभारी बृजेश कुमार गौतम औद्योगिक थाना प्रभारी कमलेश पटेल करछना थाना प्रभारी प्रवीण कुमार गौतम एडीए चौकी प्रभारी अमित कुमार काशीराम प्रभारी रामानंद विश्वकर्मा छिवकी चौकी प्रभारी मनोज सिंह रामपुर चौकी प्रभारी सचिन वर्मा इन अधिकारियों के शांति-व्यवस्था बनाए रखने के प्रयासों की भूरि-भूरि प्रशंसा की गई।

लोक कलाकारों का भी सम्मान

समिति ने प्रयागराज की सांस्कृतिक धरोहर को समृद्ध करने वाले मशहूर लोक गायक 'मिश्रा बंधु' को भी सम्मानित किया। टीम प्रभारी मनीष विश्वकर्मा ने कहा, "पुलिस प्रशासन के साथ कलाकारों का सम्मान समाज की नैतिकता व संस्कृति को मजबूत करता है। हमारा उद्देश्य पुलिस-जनता के बीच विश्वास की कड़ी मजबूत कर अपराध मुक्त समाज बनाना है। साथ ही कौसर समन्वयक नैनी औद्योगिक प्रशिक्षण केन्द्र ,श्रीकान्त शाह ब्यूरो प्रभारी नैनी आधुनिक समाचार से भी भेंट हुई।

"यह आयोजन नवरात्रि व नव वर्ष की सकारात्मक ऊर्जा को अपराध निरोधक अभियान से जोड़ने की प्रेरणादायी मिसाल है।

एक अप्रैल से शुरू होगा विशेष संचारी रोग नियंत्रण अभियान
रिपोर्टर - नितेश श्रीवास्तव

भदोही। कलक्ट्रेट सभागार में डीएम शैलेश कुमार व एसपी अभिनव त्यागी ने अधिकारियों संग एक अप्रैल से शुरू होने वाले विशेष संचारी रोग नियंत्रण संबंधित बैठक विभागीय अधिकारियों संग ली। मलेरिया, डेंगू, चिकनगुनिया व डायरिया बीमारी से बचाव को विशेष सावधानी बरतने की जरूरत है। इस दौरान डीएम ने बताया कि मलेरिया, डेंगू, चिकनगुनिया, डायरिया, दिमागी बुखार आदि संचारी रोगों से जुडे़ मामलों की आशंका को देखते हुए विशेष अभियान एक अप्रैल से शुरू होगा। अधिकारियों को निर्देशित किए कि एक अप्रैल से पहले संचारी रोग नियंत्रण से संबंधित समस्त व्यवस्था कर ली जाए। साप्ताहिक बन्दी में स्वच्छता, सैनिटाइजेशन तथा फॉगिंग का विशेष कार्यक्रम संचालित किया जाए
भारत-म्यांमार सीमा पर बड़ी साजिश नाकाम, मिजोरम में 23.72 करोड़ रुपये की मेथम्फेटामाइन की गोलियां जब्त

#indomyanmarborderinmizoramseizedmethamphetamine_tablets

भारत-म्यांमार सीमा के पास सुरक्षा बलों को बड़ी सफलता हाथ लगी है। एंटी नॉरकोटिक्स डिपार्टमेंट ने एक बड़े ऑपरेशन में 23.72 करोड़ रुपये की 7.907 किलो की मेथाएंफीटामाइन टैबलेट जब्त की हैं। यह ऑपरेशन सीमा के पास मिजोरम के चंफाई जिले में हुआ है। ऑपरेशन में असम रायफल्स और चंफाई पुलिस ने मिलकर कार्रवाई की।

लावारिस खड़े वाहन में मिली भारी मात्रा में ड्रग्स बरामद

यह संयुक्त अभियान सीमा क्षेत्र के एक संवेदनशील मार्ग ह्मुनह्मेल्था रोड के पास चलाया गया। इस इलाके को तस्करी के लिहाज से संवेदनशील माना जाता है, जहां से अक्सर अवैध गतिविधियों की सूचनाएं मिलती रहती हैं। इसी आधार पर सुरक्षाबलों ने सघन तलाशी अभियान शुरू किया। तलाशी के दौरान टीम को मौके पर एक लावारिस वाहन संदिग्ध अवस्था में खड़ा मिला। जब सुरक्षा कर्मियों ने वाहन की बारीकी से जांच की, तो उसमें छिपाकर रखी गई भारी मात्रा में मेथामफेटामाइन गोलियां बरामद हुईं।

अंतरराष्ट्रीय बाजार में 23.72 करोड़ कीमत

मेथामफेटामाइन गोलियां बरामद हुईं। कुल 7.907 किलोग्राम नशीला पदार्थ जब्त किया गया, जो हाल के समय में इस क्षेत्र की सबसे बड़ी बरामदगियों में से एक माना जा रहा है। अधिकारियों ने बताया कि बरामद की गई मेथामफेटामाइन की अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत लगभग 23.72 करोड़ रुपए बताई जा रही है। यह खेप संभवतः अंतरराष्ट्रीय तस्करी नेटवर्क के माध्यम से भारत में लाई जा रही थी, जिसे समय रहते पकड़ लिया गया।

क्या होती है मेथाएंफीटामाइन, जो भारत में बैन

मेथाएंफीटामाइन को शॉर्ट फॉर्म में मेथ भी कहते हैं। इसका इस्तेमाल अटेंशन डेफिसिट हाइपरएक्टिविटी डिसऑर्डर (ADHD) में किया जाता है। दवा के रूप में इसका इस्तेमाल फोकस बनाए रखने और इंपल्सिव बर्ताव को कमतर करने में किया जाता है। यह एक तरह का स्टीमुलेंट है, जो शरीर के सेंट्रल नर्वस सिस्टम की स्पीड बढ़ा देती है। यह डोपामाइन लेवल को भी बढ़ा देती है, जो एक ब्रेन केमिकल होता है और चलने-फिरने में अहम भूमिका निभाता है। डोपामाइन दिमाग को ऐसे सिग्नल भेजता है, जो आपको खुश महसूस कराने वाले बर्ताव को आपसे बार-बार कराता है।

केंद्रीय राज्यमंत्री जयंत चौधरी को जान से मारने की धमकी, पंश्चिम बंगाल से आया फोन

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केंद्रीय मंत्री जयंत चौधरी को शुक्रवार को एक अनजान नंबर से जान से मारने की धमकी भरा फोन आया। यह धमकी उनके निजी सहायक विश्वेंद्र शाह को फोन और व्हाट्सएप के माध्यम से दी गई। उन्होंने इस बारे में पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है। धमकी देने वाले की पहचान पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद के इस्माइल के तौर पर हुई है।

आरोपी के पास कहां से आई मंत्री के सरकारी दौरे की योजना?

शिकायत दिल्ली के तुगलक सड़क थाने में दर्ज कराई गई है। नई दिल्ली जिला पुलिस उपायुक्त सचिन शर्मा ने इस घटना की पुष्टि की है। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच तेज कर दी है। सुरक्षा एजेंसियां मंत्री की सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा कर रही हैं। धमकी के पीछे के मकसद का पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है। चौंकाने वाली बात यह है कि आरोपी के पास मंत्री के सरकारी दौरे की योजना की कॉपी भी मौजूद थी।

व्हाट्सएप पर मंत्री का 'सरकारी टूर प्रोग्राम' भेजा

पुलिस एफआईआर से मिली जानकारी के मुताबिक, 18 मार्च को सुबह करीब 11 बजे मंत्री के मोबाइल नंबर पर कॉल आया। कॉल करने वाले व्यक्ति ने जान से मारने की धमकी दी। उसने पूछा कि क्या फोन पर भेजे गए कागजात देखे हैं। व्हाट्सएप पर मंत्री का 'सरकारी टूर प्रोग्राम' भेजा गया था, जिस पर स्पष्ट रूप से 'इनको गोली मार दो' लिखा था। इसके अतिरिक्त, व्हाट्सएप पर लोकेशन और वॉयस मैसेज भी भेजे गए जिनमें लगातार जान से मारने की धमकियां थीं। जब दोबारा उस नंबर पर फोन किया गया तो धमकी देने वाले ने बताया कि टूर प्रोग्राम उसे 'ऊपर से' भेजा गया था।

टूर प्लान लीक होने के बाद बढ़ी चिंता

पुलिस के मुताबिक, कुछ दिन पहले केंद्रीय राज्यमंत्री पश्चिम बंगाल के एक कार्यक्रम में शामिल हुए थे और वहां से लौटकर दिल्ली आए। इसके बाद उनका आगरा में भी एक सार्वजनिक कार्यक्रम तय था। यह पूरा टूर प्लान केवल सीमित लोगों तक ही था, लेकिन बाद में यह जानकारी सोशल मीडिया पर वायरल हो गई।

जयंत चौधरी कौन हैं?

जयंत चौधरी एक जाने-माने राजनेता हैं, जो अभी केंद्र सरकार में केंद्रीय राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) के तौर पर काम कर रहे हैं। वह राष्ट्रीय लोक दल (RLD) के राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं। RLD एक क्षेत्रीय राजनीतिक पार्टी है, जिसका पश्चिमी उत्तर प्रदेश में मजबूत जनाधार है।

गोसाईं बाबा बालिका इंटर कॉलेज गोपालपुर भदैंया में आयोजन किया गया*
सुल्तानपुर,सामाजिक वानिकी वन प्रभाग सुल्तानपुर द्वारा विश्व गौरैया दिवस के अवसर पर गोसाईं बाबा बालिका इंटर कॉलेज गोपालपुर भदैंया में आयोजन किया गया। पूर्व में हुई चित्र कला प्रतियोगिता में प्रथम स्थान वर्षा, द्वितीय पलक पाण्डेय और तृतीय स्थान पर अन्याय तिवारी रही। सभी को शील्ड और मेडल और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम के मुख्यातिथि कृष्ण प्रकाश दर्जी पर्यावरण निदेशालय रहे उन्होंने बताया कि वन विभाग उत्तर प्रदेश थीम पर छोटे पक्षियों को बचाना अपने भविष्य को बचाना है। गौरैया केवल एक पक्षी नहीं, बल्कि हमारे पर्यावरण का अभिन्न हिस्सा है। इस मौके पर अतुल कुमार सिंह उप क्षेत्रीय वनाधिकारी ने बताया कि भारत में गौरैया सिर्फ पक्षी नहीं, बल्कि संस्कृति का हिस्सा हैं। हिंदी में ‘गोरैया’, तमिल में ‘कुरुवी’, और उर्दू में ‘चिर्या’ कहलाती हैं। पीढ़ियों से ये घरों में खुशियां बिखेरती आई हैं, लेकिन गौरैया की संख्या चिंताजनक तरीके से घट रही है। हम सभी को संकल्प लेना होगा पक्षियों के लिए जलपत्र और घोंसले का प्रबंध करना चाहिए। कटका क्लब के अध्यक्ष डॉ सौरभ मिश्र विनम्र के द्वारा गौरैया आओ मेरे देश अभियान और पर्यावरण के क्षेत्र में सराहनीय कार्य करने के लिए वन विभाग सुल्तानपुर के द्वारा सम्मानित किया गया है। इस मौके पर दर्जनों घोंसले का वितरण किया गया। कार्यक्रम के दौरान प्रधानाचार्य अनुराग पांडेय, कृष्णावती पांडेय, ममता सिंह, निशा चौरसिया, ज्ञान सिंह वन रक्षक, बृजेंद्र मिश्र सहित दर्जनों लोग उपस्थित रहे।
पुलिस चौकी के पास गांजे का खुला खेल, वीडियो वायरल के बाद भी कार्रवाई नहीं — आखिर किसके संरक्षण में चल रहा नशे का नेटवर्क?

नैनी में बेखौफ नशा कारोबार! चौकी से चंद कदम दूर बिक्री, सवालों के घेरे में पुलिस- प्रशासन, मास्टरमाइंड कौन?

सेविश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज नैनी थाना क्षेत्र के अंतर्गत मामा-भांजा पुलिस चौकी के समीप खुलेआम गांजा बिक्री का मामला अब तूल पकड़ता जा रहा है। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि चौकी से कुछ ही दूरी पर बेखौफ तरीके से गांजे की खरीद-फरोख्त की जा रही है, लेकिन हैरानी की बात यह है कि अभी तक इस मामले में कोई ठोस कार्रवाई सामने नहीं आई है। वायरल वीडियो सामने आने के बाद स्थानीय लोगों में आक्रोश बढ़ गया है। लोगों का कहना है कि जब चौकी के पास ही इस तरह नशे का कारोबार चल रहा है, तो इससे साफ जाहिर होता है कि या तो जिम्मेदार अधिकारियों को इसकी जानकारी नहीं है, या फिर जानकारी होने के बावजूद अनदेखी की जा रही है। दोनों ही स्थिति कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करती है। सूत्रों की मानें तो यह कोई एक-दो दिन का मामला नहीं, बल्कि लंबे समय से चल रहा नेटवर्क बताया जा रहा है। ऐसे में सबसे बड़ा सवाल यह उठ रहा है कि आखिर इतना बड़ा नशे का कारोबार किसके संरक्षण में चल रहा है और इसका मास्टरमाइंड कौन है। स्थानीय लोगों ने मांग की है कि पूरे मामले की जांच केवल चौकी स्तर पर नहीं, बल्कि उच्च अधिकारियों की निगरानी में कराई जाए। क्षेत्रीय नागरिकों का कहना है कि इस मामले में चौकी प्रभारी, थाना स्तर के अधिकारी और संबंधित विभाग के जिम्मेदार अफसरों की भूमिका की भी जांच होनी चाहिए। यदि चौकी से चंद कदम दूर खुलेआम गांजा बिक रहा था, तो क्या चौकी प्रभारी को इसकी जानकारी नहीं थी? अगर जानकारी थी, तो अब तक कार्रवाई क्यों नहीं की गई? लोगों ने यह भी सवाल उठाया है कि वायरल वीडियो में साफ दिखाई दे रही गतिविधियों के बाद भी प्रशासन की चुप्पी कई संदेह पैदा कर रही है। क्या अधिकारियों को यह सब दिखाई नहीं दिया, या फिर किसी दबाव के कारण कार्रवाई नहीं हो रही है? स्थानीय लोगों ने मांग की है कि मामले की निष्पक्ष जांच कराते हुए थाना नैनी पुलिस, चौकी स्टाफ, संबंधित बीट सिपाहियों और नशा कारोबार से जुड़े संभावित गिरोह की भूमिका की हर एंगल से जांच की जाए। साथ ही यह भी पता लगाया जाए कि आखिर इस पूरे नेटवर्क का मास्टरमाइंड कौन है, जो इतने दिनों से पुलिस चौकी के पास ही नशे का कारोबार चलवा रहा था। जनता ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द सख्त कार्रवाई नहीं हुई तो मामले को उच्च अधिकारियों तक पहुंचाया जाएगा और बड़े स्तर पर शिकायत की जाएगी।

तमंचे के दम पर दबंगई पड़ी भारी: माल पुलिस ने आरोपी को हथियार समेत किया गिरफ्तार

लखनऊ। राजधानी के थाना माल क्षेत्र में अवैध हथियार के बल पर धमकी और विवाद करने वाले एक आरोपी को पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए गिरफ्तार कर लिया। आरोपी के कब्जे से .315 बोर का देशी तमंचा और एक जिंदा कारतूस बरामद हुआ है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, 19 मार्च 2026 को कस्बा माल निवासी उदयवीर सिंह ने थाना माल में शिकायत दर्ज कराई कि वह अपने निजी मकान का निर्माण करा रहे थे, तभी धर्मेन्द्र सिंह नामक व्यक्ति वहां पहुंचा और अवैध तमंचा दिखाकर गाली-गलौज व झगड़ा करने लगा।
शिकायत के आधार पर थाना माल पुलिस ने तत्काल मुकदमा दर्ज कर कार्रवाई शुरू की। उपनिरीक्षक रवि कुमार कटियार अपनी टीम के साथ मौके पर पहुंचे और आरोपी धर्मेन्द्र सिंह को घेराबंदी कर गिरफ्तार कर लिया। तलाशी के दौरान उसके पास से .315 बोर का अवैध देशी तमंचा और एक जिंदा कारतूस बरामद हुआ।
पुलिस ने आरोपी के खिलाफ बीएनएस की विभिन्न धाराओं के साथ-साथ आर्म्स एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया है और आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, क्षेत्र में अवैध हथियार रखने वालों और कानून व्यवस्था भंग करने वालों के खिलाफ अभियान लगातार जारी रहेगा। इस कार्रवाई से यह साफ संदेश गया है कि लखनऊ पुलिस अपराध और दबंगई के खिलाफ पूरी तरह सख्त है।
मिशन शक्ति फेज-5: महिलाओं के सशक्तीकरण की नई पहल शुरू, ड्राइविंग ट्रेनिंग से लेकर ‘एक दिन की डीएम’ तक कई बड़े प्रावधान
लखनऊ । महिलाओं की सुरक्षा और सशक्तीकरण को लेकर चलाए जा रहे मिशन शक्ति अभियान के फेज-5 के दूसरे चरण की शुरुआत पहले नवरात्र से कर दी गई है। इस बार सरकार ने अभियान को केवल सुरक्षा तक सीमित न रखते हुए इसे नवाचार, सहभागिता और आत्मनिर्भरता से जोड़ दिया है।

इस चरण में महिलाओं और युवतियों को सशक्त बनाने के लिए कई नई और प्रभावी योजनाएं शामिल की गई हैं। सबसे प्रमुख पहल ‘ड्राइविंग माय ड्रीम्स’ है, जिसके तहत प्रत्येक जिले में कम से कम 100 महिलाओं और युवतियों को ड्राइविंग प्रशिक्षण देकर उन्हें रोजगार के अवसरों से जोड़ा जाएगा। इसका उद्देश्य महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाना है।

इसके अलावा ‘एक दिन की जिलाधिकारी’ कार्यक्रम के तहत मेधावी बालिकाओं को प्रशासनिक अनुभव दिया जाएगा, जिससे वे शासन-प्रशासन की कार्यप्रणाली को करीब से समझ सकें और आत्मविश्वास विकसित कर सकें।

अभियान में पहली बार ‘हक की बात जिलाधिकारी के साथ’ नाम से संवाद कार्यक्रम शुरू किया गया है, जिसमें महिलाएं सीधे जिलाधिकारी के सामने अपनी समस्याएं रख सकेंगी। इससे शिकायत निवारण प्रणाली को अधिक पारदर्शी और प्रभावी बनाने की कोशिश की गई है।

शिक्षा और कौशल विकास को बढ़ावा देने के लिए विश्वविद्यालयों और कॉलेजों के साथ डिजिटल एमओयू किए जा रहे हैं, ताकि छात्राओं को प्रशिक्षण और करियर मार्गदर्शन मिल सके।

तकनीक के उपयोग को बढ़ावा देते हुए प्रदेश के आठ बड़े शहरों में डिजिटल स्क्रीन के माध्यम से महिला सुरक्षा से जुड़ी लघु फिल्मों का प्रदर्शन किया जाएगा। साथ ही सोशल मीडिया पर व्यापक अभियान चलाकर युवाओं और शहरी वर्ग को जोड़ा जाएगा।

नगर विकास विभाग के तहत ‘अमृत मित्र’ योजना के जरिए महिलाओं को जल प्रबंधन और शहरी सेवाओं में भागीदारी दी जाएगी, जबकि स्वयं सहायता समूहों को डिजिटल मार्केटिंग और स्वरोजगार से जोड़ा जाएगा।

मुख्य बिंदु:

‘एक दिन की जिलाधिकारी’ बनेंगी मेधावी बालिकाएं

‘ड्राइविंग माय ड्रीम्स’ से महिलाओं को ड्राइविंग प्रशिक्षण

‘हक की बात जिलाधिकारी के साथ’ संवाद कार्यक्रम

विश्वविद्यालयों के साथ डिजिटल एमओयू

डिजिटल मीडिया व सोशल मीडिया अभियान

‘अमृत मित्र’ योजना में महिलाओं की भागीदारी

स्वयं सहायता समूहों को डिजिटल मार्केटिंग से जोड़ना

रोजगार और कौशल विकास पर विशेष फोकस
ऑपरेशन कन्विक्शन में यूपी पुलिस की बड़ी कामयाबी: जानलेवा हमले के आरोपी को 5 साल की सजा
लखनऊ । राजधानी में चलाए जा रहे ‘ऑपरेशन कन्विक्शन’ अभियान के तहत थाना तालकटोरा पुलिस को एक महत्वपूर्ण सफलता हासिल हुई है। प्रभावी पैरवी और मजबूत साक्ष्यों के आधार पर जानलेवा हमले के एक आरोपी को न्यायालय से कड़ी सजा दिलाई गई है।
पुलिस महानिदेशक राजीव कृष्ण के निर्देशों पर अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और अधिकतम सजा सुनिश्चित करने के उद्देश्य से यह अभियान चलाया जा रहा है। इसी क्रम में पुलिस आयुक्त अमरेन्द्र कुमार सेंगर और संयुक्त पुलिस आयुक्त अपराध एवं मुख्यालय अपर्णा कुमार के निर्देशन में यह कार्रवाई की गई।
मामला वर्ष 2021 के मुकदमा अपराध संख्या 224/2021 से संबंधित है, जिसमें अभियुक्त राम किशोर राठौर को थाना तालकटोरा पुलिस ने सुदृढ़ विवेचना और वैज्ञानिक साक्ष्य संकलन के आधार पर न्यायालय में दोषी सिद्ध कराया।
माननीय जिला एवं सत्र न्यायालय, लखनऊ ने आरोपी को दोषी करार देते हुए भारतीय दंड संहिता की धारा 308 के तहत 5 वर्ष का सश्रम कारावास और ₹10,000 का जुर्माना तथा धारा 325 के तहत 3 वर्ष का सश्रम कारावास और ₹6,000 का जुर्माना सुनाया। दोनों सजाएं साथ-साथ चलेंगी।
इस सफलता के पीछे थाना तालकटोरा पुलिस की मजबूत विवेचना, सटीक साक्ष्य प्रस्तुतीकरण और निरंतर प्रभावी पैरवी की अहम भूमिका रही। प्रभारी निरीक्षक कुलदीप दुबे और कांस्टेबल सूर्यपाल यादव ने इस केस को अंजाम तक पहुंचाने में विशेष योगदान दिया।
‘ऑपरेशन कन्विक्शन’ के तहत इस तरह की कार्रवाई यह साबित करती है कि उत्तर प्रदेश पुलिस अपराधियों को सजा दिलाने के लिए पूरी प्रतिबद्धता और पेशेवर दक्षता के साथ कार्य कर रही है, जिससे कानून व्यवस्था और भी सुदृढ़ हो रही है।
हिंदू नववर्ष पर मेजा में ऐतिहासिक शोभायात्रा, जयकारों से गूंजा क्षेत्र, हजारों श्रद्धालु हुए शामिल

पटपरिया महादेव मंदिर से निकली भव्य यात्रा, सुजनी चौराहा तक उमड़ा जनसैलाब, युवाओं ने संभाली कमान

विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज। हिंदू नववर्ष के पावन अवसर पर गुरुवार को ग्राम पंचायत सुजनी क्षेत्र में भव्य और ऐतिहासिक शोभायात्रा का आयोजन किया गया। पटपरिया महादेव मंदिर से प्रारंभ हुई यह विशाल शोभायात्रा पालपट्टी होते हुए सुजनी चौराहा तक पहुंची, जहां पूरे मार्ग में श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ पड़ा। यात्रा के दौरान जय श्रीराम, हर हर महादेव और भारत माता के गगनभेदी नारों से पूरा क्षेत्र भक्तिमय हो उठा। शोभायात्रा की शुरुआत महादेव मंदिर में विधिवत पूजा-अर्चना के साथ हुई। इसके बाद ढोल-नगाड़ों, भगवा ध्वजों और भक्ति गीतों के साथ यात्रा आगे बढ़ी। रास्ते भर जगह-जगह लोगों ने पुष्प वर्षा कर स्वागत किया और श्रद्धालुओं के लिए जलपान की व्यवस्था भी की गई। महिलाओं, युवाओं और बुजुर्गों की बड़ी संख्या में सहभागिता ने कार्यक्रम को और भव्य बना दिया। इस आयोजन को सफल बनाने में क्षेत्र के युवाओं की महत्वपूर्ण भूमिका रही। प्रतीक सिंह, अमित तिवारी, राज पाण्डेय, संजय पाण्डेय, संजीव पाण्डेय, रोहन सोनी, अरविंद सोनी, श्लोक चौहान, अभी सिंह, सुन्दरम पाण्डेय, वीरू सिंह सहित कई युवाओं ने पूरे कार्यक्रम की व्यवस्था संभाली और यात्रा को सुव्यवस्थित तरीके से संपन्न कराया। पूरे मार्ग में सुरक्षा और व्यवस्था बनाए रखने के लिए स्थानीय लोगों का सहयोग सराहनीय रहा। शोभायात्रा के समापन पर सभी ने हिंदू नववर्ष को हर्षोल्लास के साथ मनाते हुए समाज में एकता, संस्कृति और धर्म की रक्षा का संकल्प लिया। इस भव्य आयोजन को लेकर क्षेत्र में दिनभर उत्सव जैसा माहौल बना रहा और लोगों ने इसे वर्षों में हुई सबसे बड़ी शोभायात्राओं में से एक बताया।
जिला अपराध निरोधक समिति की यमुनानगर यूथ टीम ने पुलिस अधिकारियों व लोक गायकों को किया सम्मानित

विश्वनाथ प्रताप सिंह, प्रयागराज। नवरात्रि पर्व व हिंदू नव वर्ष के पावन अवसर पर जिला अपराध निरोधक समिति की जमुना पार इकाई यूथ टीम ने सम्मान समारोह आयोजित किया।पुलिस अधिकारियों व सांस्कृतिक हस्तियों को अंगवस्त्र व स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया।

नवरात्रि की धूम और हिंदू नव वर्ष के उपलक्ष्य में जिला अपराध निरोधक समिति के सचिव संतोष कुमार श्रीवास्तव के निर्देश पर जमुना पार यूथ टीम ने विशेष पहल की। टीम प्रभारी मनीष विश्वकर्मा के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने पुलिस प्रशासनिक अधिकारियों व लोक गायकों से मुलाकात कर बधाई दी तथा उनके योगदान की सराहना की।पुलिस-जनता समन्वय को मजबूत करने की पहल

टीम सदस्य शिव प्रताप सिंह, अश्वनी कुशवाहा, अजीत प्रताप सिंह व नीरज मिश्रा के साथ आधुनिक समाचार के पत्रकार श्रीकांत के साथ विभिन्न थानों का भ्रमण कर निम्नलिखित अधिकारियों को अंगवस्त्र, हनुमान चालीसा चिन्ह व पुष्प भेंट किए गए:एसीपी करछना सुनील कुमार सिंह नैनी थाना प्रभारी बृजेश कुमार गौतम औद्योगिक थाना प्रभारी कमलेश पटेल करछना थाना प्रभारी प्रवीण कुमार गौतम एडीए चौकी प्रभारी अमित कुमार काशीराम प्रभारी रामानंद विश्वकर्मा छिवकी चौकी प्रभारी मनोज सिंह रामपुर चौकी प्रभारी सचिन वर्मा इन अधिकारियों के शांति-व्यवस्था बनाए रखने के प्रयासों की भूरि-भूरि प्रशंसा की गई।

लोक कलाकारों का भी सम्मान

समिति ने प्रयागराज की सांस्कृतिक धरोहर को समृद्ध करने वाले मशहूर लोक गायक 'मिश्रा बंधु' को भी सम्मानित किया। टीम प्रभारी मनीष विश्वकर्मा ने कहा, "पुलिस प्रशासन के साथ कलाकारों का सम्मान समाज की नैतिकता व संस्कृति को मजबूत करता है। हमारा उद्देश्य पुलिस-जनता के बीच विश्वास की कड़ी मजबूत कर अपराध मुक्त समाज बनाना है। साथ ही कौसर समन्वयक नैनी औद्योगिक प्रशिक्षण केन्द्र ,श्रीकान्त शाह ब्यूरो प्रभारी नैनी आधुनिक समाचार से भी भेंट हुई।

"यह आयोजन नवरात्रि व नव वर्ष की सकारात्मक ऊर्जा को अपराध निरोधक अभियान से जोड़ने की प्रेरणादायी मिसाल है।