27 वर्षों की सेवा—समर्पण को सम्मान : टीबी उन्मूलन में भारतीय संस्था 'REACH' को मिला अंतरराष्ट्रीय पुरस्कार
27 वर्षों की सेवा—समर्पण को वैश्विक सम्मान : टीबी उन्मूलन में भारतीय संस्था 'REACH' को मिला कोचोन पुरस्कार

लखनऊ। भारत से टीबी (क्षय रोग) को जड़ से खत्म करने के प्रयासों को सशक्त बनाने में बीते 27 वर्षों से अग्रसर रिसोर्स ग्रुप फॉर एजुकेशन एंड एडवोकेसी फॉर कम्युनिटी हेल्थ (REACH) संस्था ने ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की है। टीबी के खिलाफ लड़ाई में अहम योगदान के लिए संस्था को 'कोचोन पुरस्कार 2026' से सम्मानित किया गया है। यह प्रतिष्ठित वैश्विक सम्मान हासिल करने वाला 'रीच' भारत का पहला नागरिक समुदाय संगठन है। बता दें कि दक्षिण कोरिया के 'कोचोन फाउंडेशन' और 'स्टॉप टीबी पार्टनरशिप' की ओर से संयुक्त रूप से दिया जाने वाला यह अंतरराष्ट्रीय पुरस्कार टीबी उन्मूलन के क्षेत्र में दुनिया का सबसे बड़ा अवार्ड है।

इन्हें भी मिला कोचोन पुरस्कार

इंडोनेशिया में पांच नवंबर को आयोजित समारोह में वर्ष 2026 का 'कोचोन पुरस्कार' REACH (भारत), सेंटर फॉर हेल्थ सॉल्यूशंस (केन्या) और मार्शल आइलैंड्स टीबी कंट्रोल प्रोग्राम को संयुक्त रूप से दिया गया। इस वर्ष की थीम टीबी के मरीजों की समय पर पहचान और इलाज सुनिश्चित करने के लिए स्वास्थ्य सेवाओं के साझा प्रयासों पर आधारित थी। इससे पहले भारत से रिवाइज्ड नेशनल टीबी कंट्रोल के प्रमुख डॉ. एलएस चौहान (2006), आईसीएमआर (2017) और मोलबायो डायग्नोस्टिक्स (2024) भी इस वैश्विक सम्मान से नवाजे जा चुके हैं।

संस्था का मूलमंत्र

इस दौरान संस्था की अध्यक्ष एवं सह-संस्थापक डॉ. नलिनी कृष्णन ने कहा कि व्यक्ति का इलाज करें, बीमारी का नहीं। टीबी से पीड़ित समुदायों के साथ हमारी अब तक की यात्रा का मूलमंत्र यही रहा है। हमने शुरुआती दौर में ही यह समझ लिया था कि देखभाल और उपचार तक पहुंचने में आने वाली बाधाओं को दूर करने के लिए केवल चिकित्सकीय जरूरतों पर ध्यान देना पर्याप्त नहीं है, बल्कि सामाजिक, सामुदायिक, पारिवारिक, मानसिक स्वास्थ्य और परिस्थितिजन्य चुनौतियों को भी समझना और उनका समाधान आवश्यक है।

रीच के प्रयासों से टीबी उन्मूलन को मिल रही मजबूती

इससे पहले विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) की पूर्व मुख्य वैज्ञानिक और एमएस स्वामीनाथन रिसर्च फाउंडेशन की अध्यक्ष डॉ. सौम्या स्वामीनाथन ने 'रीच' को बधाई देते हुए कहा कि इस संस्था ने टीबी के क्षेत्र में हमेशा नए और बेहतर तरीकों से काम किया है। महिलाओं के नेतृत्व वाली संस्था टीबी मरीजों की समस्याओं को समझते हुए उनकी मदद करती है। इसके लिए टीबी के मरीज केवल आंकड़े नहीं हैं, बल्कि उनकी जरूरतें और समस्याएं भी महत्वपूर्ण हैं। संस्था वैज्ञानिक और तकनीकी तरीकों से काम करती है और भारत की स्वास्थ्य व्यवस्था को अच्छी तरह समझती है।
डॉ. स्वामीनाथन ने विश्वास जताया कि 'रीच' आगे भी नए प्रयास करती रहेगी और लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाएगी।

भरोसे और समर्पण का फल

संस्था की निदेशक डॉ. रम्या अनंतकृष्णन ने कहा कि यह सम्मान यह उपलब्धि जमीनी स्तर पर जुटे सामुदायिक स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं, टीबी चैंपियंस और प्रभावित परिवारों के अटूट विश्वास का नतीजा है। उनका यह भरोसा और समर्पण ही हमें हर जरूरतमंद तक बिना किसी भेदभाव के बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं पहुंचाने के लिए प्रेरित करता है।

संस्था के बारे में

रीच की स्थापना वर्ष 1999 में चेन्नई में हुई थी। जोकि पिछले 27 वर्षों से भारत में टीबी के खिलाफ प्रयासों में एक प्रमुख सहयोगी और अग्रणी संस्था के रूप में काम कर रही है। इस दौरान संस्था ने टीबी कार्यक्रम के साथ मिलकर काम किया है और निजी क्षेत्र, टीबी प्रभावित समुदायों, उद्योग जगत तथा मीडिया सहित विभिन्न साझेदारों को इस प्रयास से जोड़ा है। संस्था का मुख्य उद्देश्य अनुसंधान, जन-जागरूकता और नए स्वास्थ्य मॉडलों के जरिए हर टीबी मरीज तक गुणवत्तापूर्ण और समान सेवाएं पहुंचाना है।
कन्नौज में रिटायर शिक्षक नही मनाएंगे दीवाली, मंन्त्री असीम अरूण के कार्यालय पर धरने पर बैठे शिक्षक

पंकज कुमार श्रीवास्तव

यूपी के कन्नौज जिले से छोटी दीवाली के दिन ही समाज कल्याण राज्यमंत्री कार्यालय पर रिटायर शिक्षकों ने इस बार दीवाली न मनाये जाने को लेकर धरना प्रदर्शन कर दिया, उनकी मांग है कि उनको इस दीवाली में पेंशन की स्वीकृति की जाये तभी वह लोग दीवाली मनायेंगे। धरना प्रदर्शन को लेकर जैसे ही मीडियाकर्मी कवरेज को पहुंचे वैसे ही मंत्री के प्रतिनिधि अवधेश राठौर ने फोन कर डायरेक्टर से बात कराई और लोगों से हांथ जोड़कर अनुरोध किया कि वह अपने-अपने घर जाकर दीवाली मनायें, उनकी जो भी मांग है दीवाली के बाद पूरी किए जाने का प्रयास किया जायेगा लेकिन शिक्षक अपनी मांग पर अड़े रहे और इस बार दीवाली न मनाये जाने की बात कही।

उत्तर प्रदेश समाज कल्याण शिक्षक एसोसिएशन के संयोजक उत्तर प्रदेश श्याम लाल यादव ने मीडिया को जानकारी देते हुए बताया कि मंत्री जी के विभाग में 500 विद्यालय प्राइमरी पाठशालाएं चलती है और करीब 3200 टीचर काम कर रहे हैं। जो 2005 से पहले के नियुक्त थे, लेकिन हम लोगों को पेंशन नही मिल रही है। पेंशन के लिए हमेशा मंत्री और मुख्यमंत्री आश्वासन देते रहे लेकिन किसी सरकार ने पेंशन हमारी नही दी। हम लोगों की बृद्धावस्था बहुत खराब है इस समय हम लोग रिटायरमेंट हैं, कोई 10 साल से कोई 15 साल से 8 साल से हम भी रिटायर है स्थिति बड़ी खराब है और मंत्री जी से हम लोग मिले। मंत्री जी से बड़ी अपेक्षा थी हम लोगों की और अभी भी अपेक्षा है मंत्री जी ने मेरी पेंशन की पूरी फाइल बनवाई। पूरा स्टीमेंट बनवाया 98 करोड़ का बना, जब से जो टीचर रिटायर हुआ है तब से अब तक की किसकी जो पेंशन बनी है तो पूरा बजट बनाया हर विभाग से कन्सल्टेशन कराया परिसदीय विद्यालय से बेसिक विभाग से, मदरसों से पूरी फाइल बनाकर प्रमुख सचिव के पास पहुंच गई। डायरेक्टर ने रिकमेंट करके प्रमुख सचिव के पास भेज दी है और प्रमुख सचिव के यहाॅं 6 महीने से फाइल रखी हुई है। 6 महीने हो गये, प्रमुख सचिव कहते है कि मंत्री जी रिकमेंट कर दे फाइल को तो हम फाइनेस से पास करा दें। मंत्री जी रिकमेंट नही करेंगे तो हम पास नही कराऐंगे, मंत्री जी न जाने किस कारण से उस फाइल की ओर ध्यान नही दे रहे है। जब कि इस महीने में कम से महीने में 10 बार मंत्री जी से मिले। मुख्यमंत्री जी से दो बार मिले। मुख्यमंत्री जी ने फोन किया मंत्री जी को दो बार कि भाई कराइये इनकी फाइल क्यों नही करा रहे सबको पेंशन मिल रही इनको भी मिलनी चाहिए। मंत्री जी कहते है कि हाॅं सर करा देंगे लेकिन अभी तक वह फाइल को धक्का नही लगा है। मंत्री जी कहते है कि चुनाव से पहले हम कर देंगे लेकिन दिसम्बर में आचार संहिता लग जाएगी। तो हमारी मांग है कि जल्दी से जल्दी कराई जाए फाइल हम लोग दीवाली नही मनाएंगे।
कन्नौज में पुनरीक्षण-2027 का संशोधित कार्यक्रम जारी, 17 नवंबर को प्रकाशित होगी एकीकृत आलेख्य मतदाता सूची

कन्नौज जिला निर्वाचन अधिकारी  आशुतोष मोहन अग्निहोत्री ने बताया कि भारत निर्वाचन आयोग ने पत्र के माध्यम से अर्हता तिथि 1 जनवरी 2027 के आधार पर विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों की निर्वाचक नामावलियों के विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण (Special Summary Revision-SSR)-2027 के कार्यक्रम में संशोधन किया है। आयोग द्वारा जारी संशोधित कार्यक्रम के अनुसार मतदाता सूची के पुनरीक्षण की विभिन्न गतिविधियों के लिए नई समय-सारिणी निर्धारित की गई है।

उन्होंने बताया कि मतदान स्थलों का संभाजन एवं पुनर्व्यवस्थापन का कार्य 02 नवंबर 2026 तक पूर्व निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार पूरा किया जाना है। इसके उपरांत एकीकृत आलेख्य मतदाता सूची का प्रकाशन 17 नवंबर 2026 को किया जाएगा। मतदाता सूची में नाम सम्मिलित कराने, संशोधन कराने अथवा किसी प्रविष्टि पर आपत्ति दर्ज कराने के लिए दावे एवं आपत्तियां प्राप्त करने की अवधि 17 नवंबर से 16 दिसंबर 2026 तक निर्धारित की गई है। प्राप्त दावों एवं आपत्तियों का निस्तारण 28 दिसंबर 2026 तक किया जाएगा। इसके बाद अंतिम निर्वाचक नामावली का प्रकाशन 04 जनवरी 2027 को किया जाएगा।

जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण-2027 के अंतर्गत भारत निर्वाचन आयोग द्वारा विशेष अभियान की तिथियां भी निर्धारित की गई हैं। इसके तहत 21 नवंबर (शनिवार), 22 नवंबर (रविवार), 28 नवंबर (शनिवार) एवं 29 नवंबर 2026 (रविवार) को विशेष अभियान आयोजित किए जाएंगे।

उन्होंने जनसामान्य एवं समस्त मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों से अपील की है कि विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण अभियान में सक्रिय सहभागिता करते हुए ऐसे पात्र नागरिकों, जिनका नाम अभी तक मतदाता सूची में शामिल नहीं है, विशेषकर नए एवं युवा मतदाताओं तथा महिला मतदाताओं का अधिक से अधिक पंजीकरण सुनिश्चित कराने में सहयोग प्रदान करें, ताकि कोई भी पात्र नागरिक अपने मताधिकार से वंचित न रहे।
कन्नौज में विवाहिता की हत्या के मामले में वांछित पति गिरफ्तार, न्यायालय में किया गया पेश*

कन्नौज जिले के छिबरामऊ कोतवाली क्षेत्र के जगतपुर गांव में विवाहिता सोनम की हत्या के मामले में पुलिस ने वांछित अभियुक्त सुखवीर सिंह उर्फ मोनू को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपी को गिरफ्तार करने के बाद न्यायालय के समक्ष पेश किया।

पुलिस के मुताबिक, 5 नवंबर 2026 को मृतका सोनम की मां मीरा सिंह निवासी फिरोजाबाद ने छिबरामऊ कोतवाली में तहरीर देकर आरोप लगाया था कि उनकी 33 वर्षीय बेटी को मारपीट कर पैसों के लिए प्रताड़ित किया जाता था और जलाकर उसकी हत्या कर दी गई। तहरीर के आधार पर पुलिस ने सुखवीर सिंह समेत चार नामजद आरोपियों के खिलाफ मुकदमा अपराध संख्या 489/2026, धारा 103(1), 85 और 3(5) बीएनएस के तहत मुकदमा दर्ज किया था।

पुलिस के अनुसार, घटना के बाद आमजनमानस के आक्रोश से बचने के लिए वांछित अभियुक्त सुखवीर सिंह उर्फ मोनू चौकी सिकंदरपुर पहुंच गया था। सूचना मिलने पर प्रभारी निरीक्षक कपिल दुबे पुलिस बल के साथ चौकी पहुंचे और आरोपी को गिरफ्तार कर लिया।

गिरफ्तार अभियुक्त की पहचान सुखवीर सिंह उर्फ मोनू पुत्र जितेंद्र प्रताप सिंह, निवासी ग्राम छोटी सात रोड, थाना सदर हिसार, हरियाणा, हाल निवासी ग्राम जगतपुर, थाना छिबरामऊ, जनपद कन्नौज के रूप में हुई है। उसकी उम्र करीब 31 वर्ष बताई गई है।

पुलिस अधीक्षक विनोद कुमार के निर्देश पर अपर पुलिस अधीक्षक अजय कुमार के निर्देशन, क्षेत्राधिकारी छिबरामऊ मयंक मिश्रा के पर्यवेक्षण और प्रभारी निरीक्षक कपिल दुबे के नेतृत्व में गिरफ्तारी की कार्रवाई की गई। पुलिस ने आरोपी को न्यायालय के समक्ष पेश किया है।
कन्नौज में अवैध तमंचे और कारतूस के साथ वांछित अभियुक्त गिरफ्तार

पंकज कुमार श्रीवास्तव/अनूप दुबे (सौरिख)

कन्नौज जिले के छिबरामऊ कोतवाली पुलिस ने अपराधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत एक वांछित अभियुक्त को अवैध तमंचे और जिंदा कारतूस के साथ गिरफ्तार किया है। पकड़े गए अभियुक्त की पहचान प्रशान्त शाक्य निवासी नगला बाउरी के रूप में हुई है।

पुलिस अधीक्षक विनोद कुमार के निर्देश पर अपर पुलिस अधीक्षक अजय कुमार के निर्देशन और क्षेत्राधिकारी छिबरामऊ मंयक मिश्रा के पर्यवेक्षण में यह कार्रवाई की गई। प्रभारी निरीक्षक कपिल दुबे के नेतृत्व में पुलिस टीम ने 6 नवंबर की रात मुखबिर की सूचना पर डालूपुर मोड़ के सामने सड़क से अभियुक्त प्रशान्त शाक्य को गिरफ्तार किया।
तलाशी के दौरान उसके कब्जे से एक अवैध तमंचा 315 बोर और एक जिंदा कारतूस 315 बोर बरामद हुआ। पुलिस ने बरामदगी के आधार पर थाना छिबरामऊ में मुकदमा अपराध संख्या 495/2026, धारा 3/25 आर्म्स एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया है।

गिरफ्तार अभियुक्त की उम्र करीब 24 वर्ष बताई गई है। पुलिस ने आवश्यक कार्रवाई पूरी करने के बाद उसे न्यायालय के समक्ष पेश किया।
मण्डलायुक्त दुर्गा शक्ति नागपाल ने देवीपाटन मण्डल के समस्त जनपदवासियों को दीपावली की हार्दिक शुभकामनाएं दीं

*दीपावली का पर्व प्रेम, सौहार्द, भाईचारे एवं उल्लास के साथ मनाने की अपील, सभी के सुख, समृद्धि एवं खुशहाली की कामना की*

गोण्डा। मण्डलायुक्त देवीपाटन मण्डल दुर्गा शक्ति नागपाल ने प्रकाश पर्व दीपावली के पावन अवसर पर देवीपाटन मण्डल के गोण्डा, बलरामपुर, बहराइच एवं श्रावस्ती जनपद के समस्त नागरिकों को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं। उन्होंने मण्डल के सभी जनपदवासियों के सुखमय, समृद्ध एवं मंगलमय जीवन की कामना करते हुए आशा व्यक्त की कि दीपावली का यह पावन पर्व सभी के जीवन में नई ऊर्जा, सकारात्मकता, उत्साह एवं खुशियों का संचार करेगा।

अपने शुभकामना संदेश में मण्डलायुक्त ने कहा कि दीपावली केवल दीप जलाने और उत्सव मनाने का पर्व नहीं है, बल्कि यह अंधकार पर प्रकाश, असत्य पर सत्य तथा नकारात्मकता पर सकारात्मकता की विजय का प्रतीक है। यह पर्व हमें आपसी प्रेम, सद्भाव, सहयोग, सामाजिक एकता एवं मानवीय मूल्यों को मजबूत बनाने की प्रेरणा देता है। दीपावली का पर्व हमारी समृद्ध सांस्कृतिक एवं आध्यात्मिक परंपराओं का प्रतीक है, जो समाज में एकता, भाईचारे और परस्पर विश्वास की भावना को और अधिक सुदृढ़ करता है।

मण्डलायुक्त ने मण्डल के सभी चारों जनपदों के नागरिकों से अपील की कि वे दीपावली का पावन पर्व आपसी प्रेम, भाईचारे, सौहार्द एवं हर्षोल्लास के साथ मनाएं। त्योहार की खुशियों को समाज के प्रत्येक वर्ग तक पहुंचाएं तथा विशेष रूप से गरीब, जरूरतमंद एवं वंचित परिवारों के साथ खुशियां साझा करें, ताकि दीपावली का वास्तविक उल्लास समाज के प्रत्येक व्यक्ति तक पहुंच सके।

उन्होंने कहा कि त्योहार हमारी सामाजिक एवं सांस्कृतिक विरासत को सहेजने और आपसी संबंधों को मजबूत बनाने का महत्वपूर्ण अवसर होते हैं। ऐसे अवसरों पर हमें सामाजिक समरसता, सद्भाव एवं पारस्परिक सहयोग की भावना को प्राथमिकता देनी चाहिए। उन्होंने सभी से सुरक्षित, स्वच्छ एवं पर्यावरण अनुकूल दीपावली मनाने तथा बच्चों एवं बुजुर्गों की सुरक्षा का विशेष ध्यान रखने की भी अपील की।

मण्डलायुक्त ने मां लक्ष्मी एवं भगवान श्रीगणेश से प्रार्थना करते हुए कामना की कि दीपावली का यह पावन पर्व देवीपाटन मण्डल के प्रत्येक परिवार के जीवन में सुख, शांति, आरोग्य, समृद्धि एवं खुशहाली लेकर आए। सभी के घर-आंगन खुशियों के दीपों से रोशन हों और सम्पूर्ण देवीपाटन मण्डल विकास, उन्नति एवं समृद्धि के नए आयाम स्थापित करे।
मिशन शक्ति अभियान फेज-6.0 के अंतर्गत जनपद के समस्त थानों की मिशन शक्ति टीमों द्वारा गांवों में पहुंचकर महिलाओं एवं बालिकाओं को किया गया जागरूक-*

*गोण्डा।* मिशन शक्ति अभियान फेज-6.0 के अंतर्गत महिलाओं एवं बालिकाओं की सुरक्षा, सम्मान, स्वावलंबन तथा उनके अधिकारों के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से जनपद गोण्डा के समस्त थानों की मिशन शक्ति टीमों द्वारा अपने-अपने थाना क्षेत्रों के विभिन्न गांवों में जाकर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। इन कार्यक्रमों के दौरान मिशन शक्ति टीमों ने महिलाओं एवं बालिकाओं से संवाद स्थापित कर उन्हें नारी सुरक्षा, साइबर सुरक्षा एवं स्वावलंबन से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारियां प्रदान कीं। टीमों द्वारा महिलाओं एवं बालिकाओं को बताया गया कि वर्तमान समय में डिजिटल माध्यमों का उपयोग बढ़ने के साथ-साथ साइबर अपराध के विभिन्न तरीके भी सामने आ रहे हैं। ऐसे में किसी अनजान व्यक्ति के साथ अपनी व्यक्तिगत जानकारी, बैंक खाते से संबंधित विवरण, ओटीपी, एटीएम/डेबिट कार्ड की जानकारी अथवा अन्य गोपनीय सूचनाएं साझा न करें। अनजान लिंक पर क्लिक करने, संदिग्ध कॉल एवं मैसेज के माध्यम से भेजे गए प्रलोभनों में आने तथा सोशल मीडिया पर अपरिचित व्यक्तियों से सावधानीपूर्वक संवाद करने के संबंध में भी जागरूक किया गया। इसके साथ ही महिलाओं एवं बालिकाओं को सोशल मीडिया का सुरक्षित उपयोग करने, अपनी निजी तस्वीरें एवं जानकारियां साझा करते समय सतर्क रहने तथा किसी भी प्रकार की ऑनलाइन धोखाधड़ी या साइबर उत्पीड़न की स्थिति में तत्काल संबंधित माध्यमों से शिकायत दर्ज कराने के लिए प्रेरित किया गया। जागरूकता कार्यक्रमों के दौरान मिशन शक्ति टीमों द्वारा महिलाओं एवं बालिकाओं को उनके अधिकारों, सम्मान एवं सुरक्षा के प्रति जागरूक करते हुए बताया गया कि किसी भी प्रकार की छेड़छाड़, पीछा करने, अभद्र व्यवहार, घरेलू हिंसा, उत्पीड़न अथवा अन्य किसी अप्रिय घटना की स्थिति में चुप न रहें, बल्कि तत्काल पुलिस को सूचना दें। उन्हें यह भी बताया गया कि पुलिस महिलाओं एवं बालिकाओं की सुरक्षा के लिए सदैव तत्पर है तथा उनकी शिकायतों पर नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई की जाती है। इसके अतिरिक्त महिलाओं एवं बालिकाओं को शिक्षा, आत्मनिर्भरता, कौशल विकास एवं रोजगार के अवसरों के प्रति जागरूक करते हुए अपने अधिकारों के प्रति सजग रहने तथा किसी भी समस्या की स्थिति में बिना किसी भय या संकोच के सहायता प्राप्त करने के लिए प्रोत्साहित किया गया। इस दौरान मिशन शक्ति टीमों द्वारा महिला सुरक्षा एवं सहायता से संबंधित विभिन्न हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी भी दी गई, जिनमें वीमेन पावर लाइन-1090, महिला हेल्पलाइन-181, पुलिस आपातकालीन सेवा-112, चाइल्ड हेल्पलाइन-1098 तथा साइबर अपराध हेल्पलाइन-1930 प्रमुख हैं। महिलाओं एवं बालिकाओं को इन हेल्पलाइन नंबरों के उपयोग तथा आवश्यकता पड़ने पर संबंधित सहायता प्राप्त करने की प्रक्रिया के बारे में भी बताया गया। गोण्डा पुलिस द्वारा मिशन शक्ति अभियान फेज-6.0 के माध्यम से महिलाओं एवं बालिकाओं को सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराने, उनमें आत्मविश्वास बढ़ाने, साइबर अपराधों के प्रति सतर्क करने तथा उन्हें अपने अधिकारों के प्रति जागरूक एवं आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से निरंतर जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं। गोण्डा पुलिस आमजन से अपील करती है कि महिलाओं एवं बालिकाओं की सुरक्षा, सम्मान और स्वावलंबन सुनिश्चित करने में सहयोग करें तथा किसी भी प्रकार की आपात स्थिति या अपराध की जानकारी होने पर तत्काल पुलिस को सूचित करें।
थाना मनकापुर पुलिस द्वारा जानलेवा हमला करने के 02 आरोपी अभियुक्त को किया गया गिरफ्तार


गोण्डा। दिनांक 06.11.2026 को थाना मनकापुर क्षेत्रान्तर्गत ग्राम नकछेद पुरवा में जमीनी विवाद को लेकर दो पक्षों के मध्य विवाद हुआ। इस दौरान विपक्षीगण मुन्दर पुत्र गनपत, अभय पुत्र मुन्दर, रानू पत्नी मुन्दर एवं महक पुत्री मुन्दर द्वारा वादिनी के पुत्र प्रदीप पर फरसा एवं सब्बल से हमला कर दिया गया, जिससे प्रदीप गंभीर रूप से घायल हो गया। बीच-बचाव करने पहुंची उसकी मां इन्द्राणी के साथ भी मारपीट की गई तथा फरसे से हमला कर घायल कर दिया गया। घटना में प्रदीप को गंभीर चोटें आने के कारण परिजनों द्वारा तत्काल जिला अस्पताल गोण्डा ले जाया गया, जहां चिकित्सकों द्वारा प्राथमिक उपचार के उपरान्त बेहतर इलाज हेतु लखनऊ रेफर कर दिया गया। प्रकरण में प्राप्त तहरीर के आधार पर थाना मनकापुर पर विपक्षीगण के विरुद्ध मु0अ0सं0 संबंधित धाराओं 118(1)/115(2)/352/109(1) बीएनएस के तहत अभियोग पंजीकृत किया गया है।

*कार्यवाही-*
थाना को0 मनकापुर पुलिस द्वारा थाना स्थानीय पर पंजीकृत मु0अ0सं0 427/2026 धारा 118(1)/115(2)/352/109(1) बीएनएस से सम्बन्धित अभियुक्तगण 1. मुनेन्दर पुत्र मुन्दर उर्फ गनपत एवं 2. अभय पुत्र मुन्दर उर्फ मुनेन्दर निवासीगण ग्राम नकछेदपुरवा, थाना को0 मनकापुर, जनपद गोण्डा को आज दिनांक 07.11.2026 को गिरफ्तार किया गया। गिरफ्तार अभियुक्तगण के विरूद्ध थाना मनकापुर पुलिस द्वारा अग्रिम विधिक कार्यवाही की गयी।
योगी सरकार का राज्य कर्मचारियों को दीपावली का तोहफा, महंगाई भत्ता बढ़ाकर 63 प्रतिशत किया
- 01 जुलाई 2026 से मिलेगा बढ़े हुए डीए का लाभ, नवंबर के नियमित वेतन के साथ होगा भुगतान

- चार माह का एरियर जीपीएफ और एनपीएस खातों में होगा जमा

- राज्य कर्मचारियों, सहायता प्राप्त शिक्षण एवं प्राविधिक शिक्षण संस्थानों के कर्मचारियों को मिलेगा लाभ

- शहरी स्थानीय निकायों के नियमित एवं पूर्णकालिक कर्मचारियों, कार्यप्रभारित कर्मचारियों तथा यूजीसी वेतनमान पर कार्यरत पदधारक भी होंगे लाभान्वित

लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश सरकार ने राज्य कर्मचारियों को दीपावली के अवसर पर बड़ी सौगात दी है। प्रदेश सरकार ने राज्य कर्मचारियों, सहायता प्राप्त शिक्षण एवं प्राविधिक शिक्षण संस्थानों, शहरी स्थानीय निकायों के नियमित एवं पूर्णकालिक कर्मचारियों, कार्यप्रभारित कर्मचारियों तथा यूजीसी वेतनमान पर कार्यरत पदधारकों का महंगाई भत्ता (डीए) 03 प्रतिशत बढ़ा दिया है। अब कर्मचारियों को 60 प्रतिशत के स्थान पर 63 प्रतिशत महंगाई भत्ता मिलेगा।

बढ़ी हुई दर 01 जुलाई 2026 से प्रभावी होगी। इस संबंध में शासनादेश भी शनिवार को जारी किया गया है। बढ़े हुए महंगाई भत्ते का भुगतान नवंबर 2026 के नियमित वेतन के साथ किया जाएगा। सरकार के इस फैसले से प्रदेश के लाखों कर्मचारियों को लाभ मिलेगा। योगी सरकार का यह निर्णय प्रदेश के नियमित कर्मचारियों के साथ सहायता प्राप्त शिक्षण संस्थानों, शहरी स्थानीय निकायों और अन्य पात्र कर्मचारी वर्गों को भी राहत देने वाला है।

चार महीने के एरियर के भुगतान की व्यवस्था भी तयशासनादेश के अनुसार, 01 जुलाई से 31 अक्टूबर 2026 तक बढ़े हुए महंगाई भत्ते के एरियर के भुगतान के लिए अलग-अलग श्रेणियों के कर्मचारियों के लिए व्यवस्था निर्धारित की गई है। सामान्य भविष्य निधि (जीपीएफ) से जुड़े कर्मचारियों के एरियर की राशि आयकर एवं सरचार्ज की कटौती के बाद निर्धारित सीमा के अंतर्गत उनके भविष्य निधि खाते में जमा की जाएगी। यह राशि 01 नवंबर 2027 तक खाते में जमा रहेगी। विशेष परिस्थितियों में अंतिम प्रत्याहरण के नियम लागू होंगे।

एनपीएस कर्मचारियों के लिए भी निर्धारित हुआ लाभराष्ट्रीय पेंशन योजना (एनपीएस) से आच्छादित कर्मचारियों के मामले में एरियर की 10 प्रतिशत राशि उनके टियर-01 पेंशन खाते में जमा की जाएगी। इसके अतिरिक्त राज्य सरकार नियोक्ता के रूप में एरियर की 14 प्रतिशत राशि के बराबर अंशदान भी टियर-01 खाते में जमा करेगी। शेष 90 प्रतिशत राशि पीपीएफ खाते में जमा कराई जाएगी अथवा एनएससी के रूप में दी जाएगी। एनएससी उपलब्ध न होने की स्थिति में संबंधित राशि नकद प्रदान की जाएगी।

सेवानिवृत्त होने वाले कर्मचारियों को पूरा एरियर नकदसरकार ने सेवानिवृत्त और सेवानिवृत्ति के करीब पहुंच चुके कर्मचारियों को विशेष राहत दी है। शासनादेश जारी होने से पहले जिन कर्मचारियों की सेवाएं समाप्त हो चुकी हैं, जो 01 जुलाई 2026 से शासनादेश जारी होने की तारीख के बीच सेवानिवृत्त हुए हैं अथवा अगले छह माह के भीतर सेवानिवृत्त होने वाले हैं, उन्हें महंगाई भत्ते के बकाये की पूरी धनराशि नकद दी जाएगी।
भदोही पुलिस ने 67 गुम मोबाइल खोजे: मालिकों को लौटाए, कीमत 12 लाख 39 हजार 500 रुपए*



नितेश  श्रीवास्तव

भदोही। भदोही पुलिस ने 67 गुम मोबाइल फोन खोजकर उनके मालिकों को लौटा दिए। इनकी अनुमानित कीमत 12 लाख 39 हजार 500 रुपए है।

पुलिस के मुताबिक, जनवरी 2026 से अब तक जिले में 981 गुम या खोए मोबाइल फोन खोजे गए हैं। इनकी कुल अनुमानित कीमत 1 करोड़ 67 लाख 39 हजार 500 रुपए है।

पुलिस अधीक्षक अभिनव त्यागी के निर्देश पर मोबाइल फोन खोजने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है। इसका मकसद तकनीकी मदद से गुम फोन खोजकर मालिकों तक पहुंचाना है।

अपर पुलिस अधीक्षक शुभम अग्रवाल ने थानों में तैनात कंप्यूटर ऑपरेटरों को सीईआईआर (सेंट्रल इक्विपमेंट आइडेंटिटी रजिस्टर) पोर्टल का इस्तेमाल कर फोन खोजने के निर्देश दिए। शिकायत मिलने पर फोन का आईएमईआई नंबर और दूसरी जानकारी पोर्टल पर दर्ज की जाती है। इसके बाद ट्रेसबिलिटी जानकारी, सिम नंबर और लोकेशन का तकनीकी विश्लेषण किया जाता है।

पुलिस के अनुसार, थानों में तैनात कंप्यूटर ऑपरेटरों ने सीईआईआर पोर्टल, जनसुनवाई और डायल-112 पर मिली शिकायतों के आधार पर 67 फोन खोजे।

शनिवार दोपहर ढाई बजे रिजर्व पुलिस लाइन सभागार में एसपी अभिनव त्यागी ने फोन उनके मालिकों को सौंपे। फोन वापस मिलने पर मालिकों ने पुलिस अधीक्षक और पुलिस टीम का आभार जताया।