गया में डांडिया की धुन पर झूमा प्रजापति समाज, एमएलसी शीला पंडित बोलीं- एकता की ताकत ऐसे आयोजनों से बढ़ती है

गया में ‘रंगीलो डांडिया नाइट्स 2026’ का भव्य आयोजन, 200 सदस्यों ने परिवार के साथ लिया हिस्सा

गया। डांडिया की खनकती धुन, रंग-बिरंगी रोशनी और पारंपरिक नृत्य के बीच गया में प्रजापति (कुम्हार) समाज का ‘रंगीलो डांडिया नाइट्स 2026’ उत्साह और उमंग के साथ आयोजित हुआ। रविवार को गया शहर के मगध मेडिकल चोवदारह रोड स्थित एक निजी रिसॉर्ट में आयोजित इस कार्यक्रम में प्रजापति समाज के करीब 500 सदस्यों ने अपने परिवारों के साथ भाग लिया। कार्यक्रम में सांस्कृतिक रंगों के साथ सामाजिक एकता, भाईचारे और पारिवारिक सहभागिता का संदेश दिया गया।

प्रजापति समन्वय समिति, वार्ड संख्या 29, मगध मेडिकल, गया की ओर से आयोजित समारोह का उद्घाटन बिहार विधान परिषद की सदस्य (एमएलसी) श्रीमती शीला पंडित ने दीप प्रज्वलित कर किया। उन्होंने डांडिया कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ किया और आयोजन समिति की पहल की सराहना की।

‘सिर्फ मनोरंजन नहीं, समाज को जोड़ने का माध्यम हैं ऐसे आयोजन’

मुख्य अतिथि एमएलसी शीला पंडित ने कहा कि इस तरह के आयोजन समाज के लोगों को एक मंच पर लाने और आपसी संबंधों को मजबूत करने का काम करते हैं। आज की व्यस्त जिंदगी में सामाजिक मेलजोल और पारिवारिक सहभागिता के लिए ऐसे कार्यक्रमों की विशेष आवश्यकता है। जब समाज के लोग एक साथ मिलकर अपनी संस्कृति और परंपराओं का उत्सव मनाते हैं, तो आपसी विश्वास, सहयोग और भाईचारे की भावना मजबूत होती है।

उन्होंने आयोजन समिति को इस अनूठी पहल के लिए बधाई दी और भविष्य में भी सामाजिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित करने के लिए प्रोत्साहित किया।

डांडिया की धुन पर महिला-पुरुष और युवाओं ने दिखाया उत्साह

कार्यक्रम में डांडिया संगीत की धुन पर महिलाओं, पुरुषों और युवाओं ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। पारंपरिक नृत्य और सांस्कृतिक गतिविधियों ने समारोह को यादगार बना दिया। परिवारों की सहभागिता आयोजन का खास आकर्षण रही। समाज के विभिन्न आयु वर्ग के लोगों ने एक-दूसरे के साथ समय बिताया और उत्सव का आनंद लिया। कार्यक्रम का उद्देश्य केवल मनोरंजन करना नहीं, बल्कि समाज के सदस्यों के बीच आपसी परिचय, सहयोग और सामूहिक भागीदारी को बढ़ावा देना भी था। आयोजन के माध्यम से नई पीढ़ी को सांस्कृतिक परंपराओं से जोड़ने और समाज में सकारात्मक माहौल बनाने का प्रयास किया गया।

एकजुटता ही समाज की असली ताकत : सुरेंद्र प्रजापति

प्रजापति समन्वय समिति, वार्ड संख्या 29 के अध्यक्ष सुरेंद्र प्रजापति ने कहा कि समाज की वास्तविक शक्ति उसकी एकता, सहयोग और आपसी सम्मान में निहित है। ऐसे कार्यक्रम समाज के प्रत्येक परिवार को आपस में जोड़ने का काम करते हैं। जब सभी सदस्य मिलकर किसी आयोजन को सफल बनाने में योगदान देते हैं, तो इससे एकजुटता का संदेश जाता है और आने वाली पीढ़ियों को भी साथ मिलकर आगे बढ़ने की प्रेरणा मिलती है। उन्होंने आयोजन को सफल बनाने में सहयोग देने वाले सभी सदस्यों, महिलाओं, युवाओं और अतिथियों के प्रति आभार व्यक्त किया। साथ ही भविष्य में शिक्षा, सामाजिक जागरूकता, सांस्कृतिक गतिविधियों और समाज के सर्वांगीण विकास से जुड़े कार्यक्रम आयोजित करने की प्रतिबद्धता जताई।

समाज के कई गणमान्य लोग रहे मौजूद

समारोह में डॉ. विजेता प्रजापति, डॉ. आनंद गौरव, डॉ. प्रमोद, डॉ. संजय प्रजापति, यूको बैंक शाखा प्रबंधक जयप्रकाश, धर्मेंद्र जी, अजय, डॉ. आर. कुमार, ध्रुव प्रजापति, बलबीर प्रजापति, डॉ. ऋषिकेश पंडित, इंस्पेक्टर अरुण प्रजापति, युवा अध्यक्ष धर्मेंद्र कुमार, पिंटू प्रजापति, अरविंद प्रजापति और भारतीय स्टेट बैंक के प्रबंधक राजीव प्रजापति सहित समाज के अनेक गणमान्य सदस्य उपस्थित रहे।

उत्साह, उमंग और आपसी सद्भाव के माहौल में ‘रंगीलो डांडिया नाइट्स 2026’ का समापन हुआ। आयोजन ने मनोरंजन के साथ सामाजिक एकता, पारिवारिक सहभागिता और सामूहिक सहयोग का संदेश दिया।

गया में फैशन का धमाका! Pepe Jeans London ने खोला नया स्टोर, अब शहर में मिलेगा इंटरनेशनल स्टाइल

जीबी रोड पर यूको बैंक के पास ग्रैंड ओपनिंग, युवाओं को मिलेगा डेनिम और कैजुअल वियर का शानदार कलेक्शन

गया: गया शहर के फैशन बाजार में अब ब्रांडेड और इंटरनेशनल फैशन का नया विकल्प जुड़ गया है। गया शहर के जीबी रोड, यूको बैंक के पास समीप अंतरराष्ट्रीय फैशन ब्रांड Pepe Jeans London के नए स्टोर की शुक्रवार को गया में भव्य ग्रैंड ओपनिंग हुई। जीबी रोड स्थित यूको बैंक के पास खुले इस स्टोर से फैशन प्रेमियों को अब ब्रांडेड डेनिम, कैजुअल वियर और स्टाइलिश कपड़ों की खरीदारी के लिए शहर में ही बेहतर विकल्प मिलेगा।

स्टोर का उद्घाटन सैयद मोहम्मद गुफरान ने किया। उद्घाटन के मौके पर फैशन और डेनिम प्रेमियों में खासा उत्साह देखने को मिला। नए स्टोर के शुरू होने से उन ग्राहकों को बड़ी सुविधा मिलेगी, जो आधुनिक डिजाइन, बेहतर क्वालिटी और आकर्षक फैशन कलेक्शन को पसंद करते हैं।

Pepe Jeans London दुनियाभर में अपने शानदार डेनिम कलेक्शन और ट्रेंडी कैजुअल वियर के लिए जाना जाता है। युवाओं के बीच जींस, जैकेट, टी-शर्ट और कैजुअल कपड़ों की बढ़ती लोकप्रियता को देखते हुए गया में इस ब्रांड का स्टोर खुलना शहर के फैशन बाजार के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है।

स्टोर में ग्राहकों को ब्रांड के लेटेस्ट कलेक्शन, आकर्षक डिजाइन और बदलते फैशन ट्रेंड के अनुरूप कपड़ों की रेंज देखने को मिलेगी। अब ग्राहकों को ब्रांडेड खरीदारी के लिए दूसरे शहरों का रुख नहीं करना पड़ेगा।

स्टोर का स्थान भी ग्राहकों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए शहर के प्रमुख व्यावसायिक क्षेत्र जीबी रोड पर चुना गया है। यूको बैंक के पास स्थित यह स्टोर जल्द ही युवाओं और फैशन पसंद ग्राहकों के बीच आकर्षण का केंद्र बन सकता है।

गया में लगातार बढ़ती ब्रांडेड स्टोर्स की मौजूदगी शहर के फैशन बाजार को नई पहचान दे रही है। Pepe Jeans London का यह नया स्टोर इसी दिशा में एक बड़ी शुरुआत है।

भाजपा एमएलसी शीला पंडित बोलीं—समाज की सेवा भावना पर गर्व; माटीकला बोर्ड के गठन, आरक्षण और धर्मशाला के विस्तार की उठी मांग

पितृपक्ष मेले में प्रजापति समाज का सेवा-संकल्प! 15 दिन में हजारों श्रद्धालुओं का मुफ्त इलाज, चिकित्सकों को किया सम्मानित

गयाजी। पितृपक्ष मेला महासंगम में देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं की सेवा में बिहार कुम्हार प्रजापति समन्वय समिति, जिला शाखा गया ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। समिति के चिकित्सा प्रकोष्ठ की ओर से बाईपास स्थित दांडी बाग प्रजापति धर्मशाला में 15 दिनों तक निःशुल्क चिकित्सा शिविर चलाया गया, जिसमें हजारों पिंडदानियों और श्रद्धालुओं को चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराई गई। रविवार को शिविर के समापन समारोह के साथ गया दक्षिणी क्षेत्र के नवनिर्वाचित पदाधिकारियों का शपथ ग्रहण समारोह आयोजित हुआ। कार्यक्रम की मुख्य अतिथि भाजपा विधान पार्षद (एमएलसी) शीला पंडित रहीं। समारोह में शिविर के दौरान सेवा देने वाले चिकित्सकों को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता समिति के जिलाध्यक्ष कृष्ण कुमार अजय और जदयू जिला सचिव विनोद कुमार जया ने की।

शीला पंडित बोलीं—प्रजापति समाज की सेवा भावना को सलाम

कार्यक्रम में मुख्य अतिथि एमएलसी शीला पंडित ने कहा कि गयाजी मोक्ष की भूमि है। यहां पितृपक्ष मेले में देश-विदेश से श्रद्धालु अपने पूर्वजों के पिंडदान और तर्पण के लिए पहुंचते हैं। ऐसे में श्रद्धालुओं को स्वास्थ्य संबंधी परेशानी होने पर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराना बेहद जरूरी है। प्रजापति समाज ने 15 दिनों तक निःशुल्क चिकित्सा शिविर चलाकर सराहनीय काम किया है। उन्होंने कहा कि शिविर में हजारों लोगों ने चिकित्सा लाभ लिया। सेवा देने वाले चिकित्सकों को सम्मानित करने का उद्देश्य उनका मनोबल बढ़ाना और समाज के दूसरे लोगों को भी जनसेवा के लिए प्रेरित करना है। उन्होंने कहा कि उन्हें अपने समाज की सोच और सेवा भावना पर गर्व है। समाज की यह पहल आगे भी जारी रहनी चाहिए। एमएलसी शीला पंडित ने माटीकला बोर्ड के गठन के मुद्दे पर भी पहल का भरोसा दिलाया। उन्होंने कहा कि समाज के विकास और पारंपरिक कारीगरों को प्रोत्साहन देने के लिए ऐसे प्रयास महत्वपूर्ण हैं।

कृष्ण कुमार अजय बोले—श्रद्धालुओं की सेवा करना समाज के लिए गौरव की बात

बिहार कुम्हार प्रजापति समन्वय समिति, जिला शाखा गया के जिलाध्यक्ष कृष्ण कुमार अजय ने कहा कि पितृपक्ष मेले में प्रजापति समाज का योगदान लंबे समय से रहा है। इस वर्ष भी चिकित्सा प्रकोष्ठ ने श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए 15 दिनों तक निःशुल्क शिविर चलाया। देश के विभिन्न हिस्सों और विदेशों से आए श्रद्धालुओं को जरूरत के समय चिकित्सा सुविधा देना समाज के लिए गर्व की बात है। उन्होंने कहा कि पिंडदान करने आए श्रद्धालु कई दिनों तक गया में रहते हैं। इस दौरान उनकी तबीयत खराब होने पर समय पर इलाज मिलना आवश्यक है। समाज के चिकित्सकों ने अपनी सेवाएं देकर मानवता का संदेश दिया है। उन्होंने धर्मशाला के दूसरे तल के निर्माण के लिए सहयोग देने की मांग भी उठाई और समाज के विकास से जुड़े मुद्दों पर पहल करने की अपील की।

विनोद कुमार जया ने उठाई कुम्हार जाति को अनुसूचित जाति में शामिल करने की मांग

जदयू जिला सचिव विनोद कुमार जया ने कहा कि कुम्हार समाज का सामाजिक जीवन और देश के विकास में महत्वपूर्ण योगदान रहा है। पितृपक्ष मेले में श्रद्धालुओं की सेवा के लिए चिकित्सा शिविर चलाना समाज की जिम्मेदारी और सेवा भावना का उदाहरण है। उन्होंने बिहार में कुम्हार जाति को अनुसूचित जाति की सूची में शामिल करने की मांग उठाई। उन्होंने कहा कि इस संबंध में प्रस्ताव केंद्र सरकार को दोबारा भेजने की जरूरत है, ताकि समाज की मांग पर गंभीरता से विचार हो सके। इसके साथ ही उन्होंने माटीकला बोर्ड के गठन को जल्द धरातल पर उतारने की मांग की। समारोह में चिकित्सकों के योगदान की सराहना करते हुए उन्हें सम्मानित किया गया। आयोजन के माध्यम से प्रजापति समाज ने सामाजिक एकजुटता, जनसेवा और श्रद्धालुओं की सहायता के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।

इस मौके पर पूर्व प्राचार्य सत्येंद्र प्रजापति, डॉक्टर राजाराम, उदय प्रजापति, विकास प्रजापति, विनोद कुमार, ज्ञान दत्त प्रजापति, नंदू प्रजापति, अशोक प्रजापति, गोलू कुमार, अटल प्रजापति, सूरज पंडित, दीपक कुमार, जयराम प्रजापति, सुमन कुमार, पिंटू प्रजापति समेत कई लोग मौजूद रहे.

कम खर्च में करियर, अपने क्षेत्र में रोजगार, बैंकिफा एकेडमी युवाओं को देगी बैंकिंग-फाइनेंस सेक्टर में आगे बढ़ने का मौका

4 महीने का प्रशिक्षण और 2 महीने की ऑन-जॉब ट्रेनिंग की व्यवस्था

गया: बेरोजगारी की चुनौती के बीच युवाओं को कम समय और कम खर्च में रोजगार के योग्य बनाने के उद्देश्य से बैंकिफा एकेडमी ने रोजगार पहल की दिशा में कदम बढ़ाया है। गया जिले के मानपुर स्थित नौरंगा मोड़, चिरी कोठी में आदित्य विजन के निकट संचालित बैंकिफा एकेडमी युवाओं को बैंकिंग, इंश्योरेंस और फाइनेंस सेक्टर से जुड़ा व्यावहारिक प्रशिक्षण देकर उनके लिए रोजगार के अवसर विकसित करने की दिशा में काम कर रही है। संस्था में आयोजित प्रेस वार्ता के दौरान निदेशक सिद्धनाथ सिंह और सह निदेशक रितेश कुमार गुप्ता ने एकेडमी की कार्ययोजना, प्रशिक्षण व्यवस्था और भविष्य की योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि संस्था का मुख्य उद्देश्य युवाओं को केवल प्रमाणपत्र या डिग्री तक सीमित नहीं रखना, बल्कि उन्हें व्यावहारिक कौशल, कार्य-अनुभव और सही मार्गदर्शन के साथ रोजगार के लिए तैयार करना है। साथ ही, युवाओं को अपने क्षेत्र में ही काम करने के अवसर उपलब्ध कराने का प्रयास करना भी एकेडमी की प्राथमिकता है।

निदेशकों ने कहा कि आज अनेक युवा एमबीए जैसी उच्च शिक्षा प्राप्त करने के लिए लाखों रुपये खर्च करते हैं। इसके बावजूद उन्हें रोजगार की तलाश में अपने घर और परिवार से दूर दूसरे शहरों में जाना पड़ता है। कई बार अच्छी सैलरी मिलने के बावजूद किराया, भोजन, परिवहन और अन्य खर्चों के कारण उनकी वास्तविक बचत काफी कम रह जाती है।

ऐसी परिस्थितियों को ध्यान में रखते हुए बैंकिफा एकेडमी युवाओं के लिए कम खर्च वाला और व्यावहारिक करियर विकल्प विकसित करने की दिशा में प्रयासरत है। इस प्रेस वार्ता में संस्थान की ओर से मिस शिवानी कुमारी, प्रशांत, प्रियांशु कुमार और रौशन कुमार सहित अन्य लोग मौजूद रहे।

पितृपक्ष मेला महासंगम : फल्गु देवघाट पर तीर्थयात्रियों की सेवा में जुटे वार्ड पार्षद, दिव्यांग-वृद्धों को पहुंचा रहे पिंड स्थल तक

गयाजी। विश्व प्रसिद्ध पितृपक्ष मेले में देश-दुनिया से लाखों श्रद्धालु गयाजी पहुंच रहे हैं। फल्गु देवघाट पर पिंडदान और तर्पण के लिए श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ रही है। इस बीच गयाजी नगर निगम के जनप्रतिनिधि और अधिकारी भी तीर्थयात्रियों की सेवा में लगातार जुटे हुए हैं। मेला क्षेत्र में सेवा और सहयोग की ऐसी तस्वीर सामने आ रही है, जो श्रद्धालुओं के बीच चर्चा का विषय बनी हुई है।

फल्गु देवघाट पर वार्ड संख्या 10 के पार्षद गोपाल कुमार एवं वार्ड संख्या 11 के पार्षद कुंदन कुमार तीर्थयात्रियों की सेवा में जुटे हैं। दोनों पार्षद विशेष रूप से दिव्यांग, वृद्ध और चलने में असमर्थ श्रद्धालुओं की मदद कर रहे हैं। जरूरतमंद श्रद्धालुओं को पिंडदान स्थल तक पहुंचाने में वे स्वयं सहयोग कर रहे हैं, ताकि उन्हें भीड़ और लंबी दूरी के बीच किसी तरह की परेशानी नहीं हो।

पार्षद गोपाल कुमार ने कहा कि पितृपक्ष मेला गयाजी की धार्मिक पहचान से जुड़ा है। देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं की सेवा करना सौभाग्य की बात है। खासकर बुजुर्ग और दिव्यांग श्रद्धालुओं को पिंडदान स्थल तक पहुंचाने में हरसंभव सहयोग किया जा रहा है।

वहीं पार्षद कुंदन कुमार ने कहा कि जनप्रतिनिधि होने के नाते श्रद्धालुओं की सेवा हमारी जिम्मेदारी है। मेला अवधि में देवघाट पर आने वाले जरूरतमंद श्रद्धालुओं की परेशानी को देखते हुए मौके पर ही उनकी मदद की जा रही है। प्रयास है कि कोई भी श्रद्धालु असुविधा के कारण अपने धार्मिक अनुष्ठान से वंचित न रहे।

पार्षदों ने कहा कि नगर निगम के महापौर वीरेंद्र कुमार उर्फ गणेश पासवान, पूर्व डिप्टी मेयर एवं सशक्त स्थायी समिति के सदस्य अखौरी ओंकार नाथ उर्फ मोहन श्रीवास्तव और नगर आयुक्त डॉ. गगन कुमार भी मेला शुरू होने से पहले से ही लगातार व्यवस्थाओं की निगरानी कर रहे हैं। तीनों दिन-रात मेला क्षेत्र में घूमकर सफाई, पेयजल, प्रकाश, यातायात और अन्य व्यवस्थाओं का जायजा ले रहे हैं तथा तीर्थयात्रियों की समस्याओं को मौके पर ही दूर कराने का प्रयास कर रहे हैं।

पार्षदों ने कहा कि नगर निगम की पूरी टीम का उद्देश्य यही है कि गयाजी आने वाले तीर्थयात्रियों को बेहतर व्यवस्था और सेवा मिले। जनप्रतिनिधियों से लेकर निगम के अधिकारी और कर्मचारी तक मेला क्षेत्र में अपनी जिम्मेदारी निभा रहे हैं। फल्गु देवघाट पर दिव्यांग और बुजुर्ग श्रद्धालुओं की मदद की जा रही है, ताकि पितृपक्ष में आने वाले श्रद्धालु श्रद्धा और सुविधापूर्वक अपने पितरों का तर्पण एवं पिंडदान कर सकें।

11 एमएम की पथरी का ऑपरेशन कराया, फिर भी CT में मिली 10 एमएम की पथरी: तूतवारी मेट्रो हॉस्पिटल के डॉक्टर पर लापरवाही का आरोप

मरीज बोला- बार-बार दर्द होने पर चार बार अस्पताल पहुंचे, इंजेक्शन-पानी चढ़ाकर भेजा; दूसरे डॉक्टर ने यूरेटर को नुकसान पहुंचने की बताई बात

गया। गया शहर के तूतवारी स्थित मेट्रो हॉस्पिटल में पथरी का ऑपरेशन कराने वाले एक मरीज ने डॉक्टर पर इलाज में लापरवाही का गंभीर आरोप लगाया है। मरीज एमशी राज का कहना है कि करीब 11 एमएम की पथरी के ऑपरेशन के बाद भी उनकी परेशानी खत्म नहीं हुई। ऑपरेशन के बाद बार-बार तेज दर्द होने पर वह कई बार अस्पताल और क्लीनिक पहुंचे, लेकिन कुछ दिनों की राहत के बाद दर्द फिर शुरू हो जाता था। बाद में दूसरे डॉक्टर से जांच कराने पर CT स्कैन में 10 एमएम की पथरी मिलने की बात सामने आई।

मरीज के अनुसार, पथरी के ऑपरेशन के दौरान यूरेटर में पाइप लगाया गया था। करीब एक महीने बाद पाइप निकाल दिया गया। पाइप निकलने के तीन दिन बाद ही उन्हें काफी तेज दर्द शुरू हो गया। इसके बाद डॉक्टर से संपर्क किया तो अस्पताल बुलाकर इंजेक्शन लगाया गया और पानी चढ़ाने के बाद घर भेज दिया गया। कुछ दिनों तक राहत मिली, लेकिन करीब पांच-छह दिन बाद फिर तेज दर्द होने लगा।

मरीज का दावा है कि इसके बाद दोबारा अस्पताल बुलाया गया और फिर इंजेक्शन व पानी चढ़ाकर घर भेज दिया गया। कुछ दिन बाद दर्द दोबारा शुरू हुआ तो इस बार उन्हें चार दिन अस्पताल में रहने को कहा गया। चार दिनों तक इलाज चलने के बाद उन्हें घर भेज दिया गया। लेकिन घर जाने के करीब पांच दिन बाद फिर तेज दर्द होने लगा। लगातार परेशानी से परेशान होकर मरीज दूसरे डॉक्टर के पास पहुंचा। वहां CT स्कैन कराने की सलाह दी गई। मरीज के मुताबिक, जांच रिपोर्ट में करीब 10 एमएम की पथरी दिखाई दी। इसके अलावा दूसरे डॉक्टर ने किडनी से पेशाब को नीचे तक पहुंचाने वाली यूरेटर नली को गंभीर नुकसान पहुंचने की बात बताई।

मरीज का आरोप है कि फिलहाल किडनी से पेशाब निकालने के लिए पाइप लगाया गया है। उनका कहना है कि ऑपरेशन के बाद लगातार समस्या बढ़ती गई और अब दोबारा इलाज कराने को लेकर भी उनके मन में डर है।

‘पैसा जितना लगेगा देंगे, बस ठीक कर दीजिए’

मरीज एमशी राज ने कहा कि वह डॉक्टर के पास चार बार इलाज के लिए जा चुके हैं, लेकिन हर बार कुछ दिनों की राहत के बाद दर्द वापस आ गया। उन्होंने कहा कि उनकी मांग किसी विवाद की नहीं, बल्कि उचित इलाज की है। इलाज में जितना भी खर्च आएगा, वह देने को तैयार हैं, लेकिन उन्हें पहले की तरह स्वस्थ होना है। मरीज ने यह भी आरोप लगाया कि डॉक्टर से मिलने के लिए अस्पताल में कई घंटे इंतजार करना पड़ा, लेकिन डॉक्टर मिलने नहीं आए। परिवार के लोगों ने फोन से संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन फोन रिसीव नहीं होने का भी आरोप लगाया गया। वही, इस संबंध में एसके रंजन से पूरी मामले का जानकारी लेना चाहा तो वह कॉल को रिसीव नहीं किया।

पितृपक्ष में सेवा की मिसाल: डॉ. राजेंद्र प्रसाद स्कॉलरशिप एंड वेलफेयर ट्रस्ट ने संभाला सेवा मोर्चा, श्रद्धालुओं को नि:शुल्क चाय-शरबत और बिस्किट

मेयर गणेश पासवान, नगर आयुक्त डॉ गगन और सशक्त स्थाई समिति के सदस्य मोहन श्रीवास्तव ने किया फीता काटकर उद्घाटन

गया। विश्व प्रसिद्ध पितृपक्ष मेला 2026 के गयाजी में देश-विदेश से आने वाले तीर्थयात्रियों की सेवा के लिए सामाजिक संस्थाओं ने सेवा शिविर शुरू कर दिए हैं। इसी क्रम में रविवार को डॉ. राजेंद्र प्रसाद स्कॉलरशिप एंड वेलफेयर ट्रस्ट की ओर से श्रद्धालुओं के लिए नि:शुल्क सेवा शिविर लगाया गया। शिविर का शुभारंभ गया नगर निगम के मेयर गणेश पासवान, नगर आयुक्त डॉ. गगन और सशक्त स्थाई समिति के सदस्य मोहन श्रीवास्तव ने फीता काटकर किया।

शिविर में पितृपक्ष के दौरान गया पहुंचने वाले तीर्थयात्रियों को नि:शुल्क पानी, शरबत, चाय और बिस्किट उपलब्ध कराया जा रहा है। ट्रस्ट के सदस्य मुकेश सिन्हा औऱ कुमार गौरव सिन्हा ने बताया गया कि पिछले कई वर्षों से पितृपक्ष के दौरान इसी भावना के साथ श्रद्धालुओं की सेवा की जा रही है। देश के विभिन्न हिस्सों के साथ विदेशों से भी लाखों श्रद्धालु पिंडदान और तर्पण के लिए गयाजी पहुंचते हैं। ऐसे में उनकी सेवा करना ट्रस्ट का सामाजिक दायित्व माना जाता है।

ट्रस्ट से जुड़े लोगों ने कहा कि भारतीय संस्कृति में ‘अतिथि देवो भवः’ की भावना को विशेष महत्व दिया गया है। इसी भावना के साथ पितृपक्ष के दौरान करीब 20 दिनों तक श्रद्धालुओं की सेवा का सिलसिला जारी रहेगा। ट्रस्ट की ओर से आने वाले समय में भी सामाजिक सेवा के क्षेत्र में और बेहतर कार्य करने का संकल्प व्यक्त किया गया।

वक्ताओं ने बताया कि पितृपक्ष मेले को ध्यान में रखते हुए ट्रस्ट की ओर से जरूरतमंद श्रद्धालुओं के लिए व्हीलचेयर भी दान की गई है। इसका उद्देश्य ऐसे बुजुर्ग और दिव्यांग श्रद्धालुओं को सुविधा देना है, जिन्हें पैदल चलने में परेशानी होती है।

इस दौरान गया नगर निगम की ओर से पितृपक्ष मेले को लेकर की गई तैयारियों की भी सराहना की गई। वक्ताओं ने कहा कि नगर निगम द्वारा नियमित साफ-सफाई, पेयजल, शौचालय और चेंजिंग रूम सहित कई सुविधाओं की व्यवस्था की गई है। इस बार नगर निगम की ओर से लेजर शो की भी विशेष व्यवस्था की गई है। पानी के फुहारे पर लेजर के माध्यम से माता सीता, गया सूर्य और भगवान विष्णु से जुड़ी धार्मिक कथाओं और प्रसंगों को प्रदर्शित किया जा रहा है।

मुकेश शर्मा ने कहा कि गयाजी जैसे पवित्र स्थल पर जन्म लेना और यहां आने वाले लाखों तीर्थयात्रियों की सेवा करने का अवसर मिलना सौभाग्य की बात है।

उन्होंने कहा कि श्रद्धालुओं को एक गिलास पानी, शरबत या चाय उपलब्ध कराना भी सेवा का माध्यम है। उद्देश्य है कि देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालु गयाजी से अच्छी यादें लेकर लौटें और यहां की सेवा भावना को अपने साथ लेकर जाएं। उन्होंने स्थानीय लोगों से अपील की कि पितृपक्ष के दौरान बाहर से आने वाले तीर्थयात्रियों का सहयोग करें, ताकि वे बिना परेशानी के अपने पितरों का तर्पण और पिंडदान कर सकें।

इस मौके पर मुकेश वर्मा, सुनील सिन्हा, प्रभात शंकर, डॉक्टर अनुपम, डॉक्टर अमित, गौरव सिन्हा, कुमार गौरव, प्रमोद कुमार सिन्हा, विभूति भूषण, गोलोक बिहारी, रंजन सिन्हा, मंगलेश सिन्हा, रीता रानी प्रसाद आदि मौजूद रहे.

पितृपक्ष महासंगम-2026 में श्रद्धालुओं के लिए 24 घंटे निःशुल्क भोजन की व्यवस्था, शिविर का बेलागंज विधायक के पुत्र ने किया उद्घाटन

गयाजी के भूतपूर्व चेयरमैन और अपने पूज्य पिताजी स्व. श्री बिंदेश्वरी यादव जी की पुण्यस्मृति में, पितृपक्ष महासंगम-2026 के अवसर पर गयाजी आने वाले श्रद्धालुओं की सुविधा हेतु धर्मारण्य देवी मंदिर के समीप एक सेवा शिविर का संचालन किया जा रहा है। इस शिविर का लोकार्पण बेलागंज विधायक मनोरमा देवी जी के सुपुत्र, युवा समाजसेवी राकेश रंजन यादव (रॉकी यादव) द्वारा किया गया। शिविर के संचालन की संपूर्ण जिम्मेदारी भी उन्हीं के द्वारा निभाई जा रही है।

इस सेवा शिविर में 10 अक्टूबर तक श्रद्धालुओं को 24 घंटे निःशुल्क भोजन उपलब्ध कराया जाएगा। भोजन में पूड़ी-सब्जी, दाल-चावल, सलाद और पापड़ सहित अन्य खाद्य सामग्री शामिल है। शिविर के शुभारंभ के अवसर पर माँ धर्मारण्य देवी मंदिर में पूजा-अर्चना कर श्रद्धालुओं तथा सभी के मंगल की कामना की गई। इस अवसर पर धमेश्वर पांडेय, दीपू रंजन पांडेय, रवि पांडेय, शिव पूजन पांडेय, विनय पांडेय, परमानंद पांडेय, मुलायम यादव, अनिल कुमार पांडेय, जनार्दन पांडेय, प्रमोद पांडेय सहित कई सम्मानित साथी उपस्थित रहे। बेलागंज विधायक के पुत्र सह समाजसेवी राकेश रंजन यादव (रॉकी यादव) ने कहा कि पितृपक्ष के दौरान गयाजी आने वाले श्रद्धालुओं की सेवा और सुविधा के लिए यह सेवा शिविर समर्पित है।

मगध में पहली बार ब्रोंकोस्कोपी की सुविधा, प्रकाश मल्टीस्पेशियलिटी हॉस्पिटल में शुरू हुआ अत्याधुनिक उपचार

फेफड़ों की जटिल बीमारियों की जांच से लेकर श्वसन मार्ग में फंसी बाहरी वस्तु निकालने तक में उपयोगी

गया। गया के प्रकाश मल्टीस्पेशियलिटी हॉस्पिटल में अब अत्याधुनिक ब्रोंकोस्कोपी की सुविधा शुरू हो गई है। अस्पताल प्रबंधन के अनुसार, मगध क्षेत्र में यह सुविधा पहली बार उपलब्ध कराई गई है। इससे गया के साथ-साथ नवादा, औरंगाबाद, जहानाबाद, अरवल एवं आसपास के मरीजों को फेफड़ों और श्वसन मार्ग की जटिल समस्याओं की आधुनिक जांच एवं आवश्यक intervention की सुविधा स्थानीय स्तर पर मिल सकेगी।

ब्रोंकोस्कोपी में एक विशेष कैमरे वाली पतली ट्यूब के माध्यम से श्वासनली एवं फेफड़ों की अंदरूनी स्थिति को सीधे देखा जाता है। आवश्यकता पड़ने पर इसी प्रक्रिया से बायोप्सी, BAL, सैंपल लेना तथा श्वसन मार्ग में फंसी बाहरी वस्तु को निकालना भी संभव है। लंबे समय से खांसी, खांसी में खून आना, बार-बार निमोनिया, फेफड़ों में संदिग्ध गांठ या छाया, अस्पष्ट फेफड़ों के संक्रमण तथा श्वसन मार्ग में रुकावट जैसे मामलों में चिकित्सकीय सलाह के अनुसार ब्रोंकोस्कोपी महत्वपूर्ण जांच साबित हो सकती है। खिलौने का टुकड़ा या अन्य बाहरी वस्तु फंसने की स्थिति में समय पर ब्रोंकोस्कोपी द्वारा उसे निकालना जीवनरक्षक हो सकता है। फेफड़ों के कैंसर के संदिग्ध मरीजों में भी ब्रोंकोस्कोपी के माध्यम से आवश्यक सैंपल लेकर बीमारी की पुष्टि में मदद मिल सकती है।

प्रकाश मल्टीस्पेशियलिटी हॉस्पिटल के निदेशक डॉ. जे. पी. सिंह ने कहा कि अस्पताल का लक्ष्य मगध क्षेत्र के मरीजों को आधुनिक चिकित्सा सुविधाएं अपने क्षेत्र में उपलब्ध कराना है। उन्होंने कहा कि ब्रोंकोस्कोपी के माध्यम से कई गंभीर बीमारियों का समय पर निदान और आवश्यकता के अनुसार intervention संभव है, जिससे उचित मरीजों में उपचार की दिशा तय करने में महत्वपूर्ण सहायता मिलती है। उन्होंने बताया कि अस्पताल में आधुनिक एंडोस्कोपिक सुविधाओं के विस्तार के साथ मरीजों को एक ही स्थान पर जांच, विशेषज्ञ परामर्श और आवश्यक उपचार उपलब्ध कराने की दिशा में लगातार कार्य किया जा रहा है।

पितृपक्ष में सेवा की मिसाल: मानवाधिकार संगठन ने लगाया निःशुल्क शिविर, IG विकास वैभव ने किया उद्घाटन

गया। पितृपक्ष मेला में देश-विदेश से गया जी पहुंचने वाले श्रद्धालुओं एवं तीर्थयात्रियों की सेवा के लिए राष्ट्रीय मानवाधिकार संगठन की ओर से शनिवार को निःशुल्क सेवा शिविर लगाया गया है। “अतिथि देवो भवः” की भावना के साथ यह शिविर पंजाब नेशनल बैंक के सामने, चांद चौरा-विष्णुपद रोड के समीप लगाया गया है। यहां श्रद्धालुओं को निःशुल्क पेयजल, चाय, बिस्कुट सहित विभिन्न खाद्य सामग्री उपलब्ध कराई जा रही है।

निःशुल्क सेवा शिविर का उद्घाटन मगध क्षेत्र के पुलिस महानिरीक्षक विकास वैभव ने शनिवार को रात 7:00 बजे फीता काटकर उद्घाटन किया। इस मौके पर राष्ट्रीय मानवाधिकार संगठन के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. मनीष पंकज मिश्रा सहित संगठन के पदाधिकारी, कार्यकर्ता एवं स्थानीय लोग मौजूद रहे। राष्ट्रीय मानवाधिकार संगठन के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. मनीष पंकज मिश्रा ने आईजी विकास वैभव को अंगवस्त्र एवं फूलों का गुलदस्ता भेंट कर स्वागत एवं अभिनंदन किया. उद्घाटन के बाद कार्यकर्ताओं ने श्रद्धालुओं एवं तीर्थयात्रियों को सम्मानपूर्वक पेयजल, चाय, बिस्कुट और अन्य खाद्य सामग्री उपलब्ध कराई।

इस अवसर पर IG विकास वैभव ने कहा कि सेवा भाव मानव जीवन की महत्वपूर्ण विशेषता है। पितृपक्ष के दौरान गया जी में देश के विभिन्न हिस्सों के साथ विदेशों से भी बड़ी संख्या में श्रद्धालु आते हैं। ऐसे में उनके लिए पेयजल और भोजन जैसी मूलभूत सुविधाओं की निःशुल्क व्यवस्था करना सराहनीय कार्य है। राष्ट्रीय मानवाधिकार संगठन के प्रदेश अध्यक्ष डॉ. मनीष पंकज मिश्रा ने कहा कि “सेवा ही सबसे बड़ा धर्म है।” गया आने वाला प्रत्येक तीर्थयात्री संगठन के लिए अतिथि के समान है। उन्होंने कहा कि शिविर के माध्यम से मानव सेवा, सामाजिक समरसता और अतिथि सत्कार का संदेश दिया जा रहा है। उन्होंने कार्यकर्ताओं से पूरे सेवा भाव के साथ श्रद्धालुओं की सहायता करने की अपील की।