कोविड काल में निःस्वार्थ सेवा देने वाले डॉ. विपिन रावत की स्वास्थ्य सेवा की दिशा में एक और कदम
मुंबई | चेंबूर, प्रतिनिधि।
चेंबूर (पश्चिम) के तिलक नगर स्थित नाविका होम्योपैथिक फार्मेसी का रविवार को विधि-विधान एवं पूजा-अर्चना के साथ भव्य शुभारंभ हुआ। इस अवसर पर समाज के अनेक गणमान्य नागरिक, चिकित्सक, शुभचिंतक एवं स्थानीय नागरिक उपस्थित रहे और डॉ. विपिन रावत एवं उनके पूरे परिवार को नई शुरुआत के लिए हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएँ दीं।
होम्योपैथी चिकित्सा पद्धति अपनी सुरक्षित, सौम्य एवं प्रभावी उपचार प्रणाली के लिए जानी जाती है। इसमें रोग के मूल कारण का उपचार करते हुए शरीर की प्राकृतिक रोग-प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाने का प्रयास किया जाता है। यही कारण है कि आज बड़ी संख्या में लोग। होम्योपैथिक उपचार पर विश्वास जता रहे हैं। डॉ. विपिन रावत लंबे समय से जनसेवा से जुड़े हुए हैं। कोविड-19 महामारी के कठिन दौर में उन्होंने अनेक जरूरतमंद लोगों को निःशुल्क परामर्श, दवाइयाँ एवं हर संभव सहयोग प्रदान किया। उनकी समाज सेवा की भावना और मानवीय संवेदनाओं की लोगों ने खुले दिल से सराहना की। आज भी वे समाज के हित में हर संभव सहयोग के लिए सदैव तत्पर रहते हैं। इस अवसर पर अनिल बारी, डॉ. रमेश, अशोक, चंदन सहित अनेक गणमान्य नागरिक, शुभचिंतक एवं समाज के प्रतिष्ठित लोग उपस्थित रहे। सभी ने डॉ. विपिन रावत एवं उनके परिवार को शुभकामनाएँ देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य और नए प्रतिष्ठान की सफलता की कामना की।
माटुंगा में श्री पद्मावती माता के पूजन का विशेष कार्यक्रम सम्पन्न
मुंबई। धार्मिक आयोजन के अंतर्गत श्री पद्मावती माता के पूजन का विशेष नारायणजी शामजी वाडी, माटुंगा में रखा गया।नआयोजन के दौरान प्रतिदिन सुबह 'नवकाशी' और दोपहर में 'स्वाति वाचना' का आयोजन किया गया, जबकि शाम को 'प्रविहार' की व्यवस्था की गई।
कार्यक्रम में आने वाले श्रद्धालुओं के लिए 6 लाख रुपये से अधिक की लागत से भोजन (धर्म क्षेत्र) की उत्तम व्यवस्था की गई।
सम्पूर्ण धार्मिक अनुष्ठान का लाभ 'यू.डब्ल्यू.वी. ग्रुप' (U.W.V. Group) द्वारा लिया गया। कार्यक्रम मे मुख्य अतिथी भाजपा आमदार कालीदास कोलंबकर, भाजपा प्रवक्ता उदयप्रताप सिंह व अन्य  कार्यक्रम सफल प्रबंधन दिग्विजय एकलव्य ने किया। इस आयोजन की जानकारी 'श्री धर्म भक्ति' के प्रमुख अमुल डेडिया द्वारा दी गई।
डॉ अनुरागी की पुस्तक का लोकार्पण एवं कवि गोष्ठी संपन्न
मुंबई। साहित्यिक, सामाजिक एवं सांस्कृतिक राष्ट्रीय संस्था नव‌ कुम्भ साहित्य सेवा संस्थान के तत्वावधान में शनिवार 11 जुलाई 2026 को मुंबई मराठी प्रेस क्लब सभागार आजाद मैदान सी.एस.टी- मुंबई में डॉ अरुण प्रकाश मिश्र अनुरागी द्वारा रचित हेलो कामिनी नाटक एंव हुस्न का जादू गीत संग्रह का विमोचन एंव काव्य गोष्ठी का आयोजन किया गया है। जिसकी अध्यक्षता वरिष्ठ कवि यशपाल सिंह यस ने किया तथा मुख्य अतिथि के रूप में लेखक एवं अभिनेता अरुण शेखर,डॉ दिनेश पाठक हिन्दी विभागाध्यक्ष एसआईईएस महाविद्यालय मुंबई तथा विशेष अतिथि के रूप में प्रसिद्ध अभिनेता नंदकिशोर पंत उपस्थित थे। कार्यक्रम का आयोजन नवकुंभ साहित्य सेवा संस्थान के राष्ट्रीय अध्यक्ष अनिल कुमार राही,संयोजन रामकुमार - आर.के.पब्लिकेशन निदेशक  तथा संचालन नरसिंह हैरान जौनपुरी व विनय शर्मा दीप ने किया।पुस्तक विमोचन पश्चात सभी अतिथियों ने पुस्तक पर वक्तव्य रखते हुए लेखक के लेखनी की सराहना करते हुए गीत संग्रह हुस्न का जादू एवं नाटक हेलो कामिनी दोनों को उत्कृष्ट बताया।उपस्थित सभी साहित्यकारों का सम्मान पुष्पगुच्छ एवं अंगवस्त्र देकर किया गया।नवकुंभ साहित्य सेवा संस्थान का विस्तार करते हुए राष्ट्रीय अध्यक्ष राही ने सुशील कुमार‌ शुक्ल 'नाचीज़' को ठाणे जिला अध्यक्ष एवं अरुण प्रकाश मिश्र अनुरागी को ठाणे जिला उपाध्यक्ष मनोनीत किया।पुस्तक विमोचन पश्चात दूसरे सत्र कविगोष्ठी का शुभारंभ किया गया जिसमें फतेह बहादुर सिंह, राकेश त्रिपाठी, ओमप्रकाश सिंह, ओमप्रकाश तिवारी, राजकुमार प्रसाद, जौनपुर से रविन्द्र कुमार शर्मा दीप,वाराणसी से आलोक कुमार मौर्य, विनोद चतुर्वेदी, आत्मिक श्रीधर मिश्र,राम स्वरूप साहू, महेंद्र मिश्र, प्रभा शंकर शुक्ल, अश्विनी कुमार दुबे,नंदलाल क्षितिज, विनय सिंह विनम्र, पत्रकार रवि यादव,जनहित इंडिया पत्रकार मुन्ना यादव मयंक, सूर्यकांत शुक्ल, मनोज उरई, अधिवक्ता राजीव मिश्र, पत्रकार यशपाल शर्मा, बीनू संगम त्रिपाठी, संगम त्रिपाठी, गीता, लक्ष्मी यादव ओजस्विनी, रामजीत गुप्ता, पत्रकार नामदार राही,अल्हड़ असरदार, त्रिलोचन सिंह अरोरा, जयपुर से सतेन्द्र मोहन शर्मा मोहन, शिवदत्त शर्मा अश्क,गंगा शरण सिंह, अनुष्का सिंह,डॉ शारदा प्रसाद दुबे शरतचंद्र,सदाशिव चतुर्वेदी मधुर एवं सलीम सैयद उपस्थित थे।अंत में रामकुमार ने सभी का आभार व्यक्त किया तत्पश्चात राष्ट्रगान के साथ कार्यक्रम का समापन किया गया।
सनातन सुरक्षा सेना के महाराष्ट्र प्रदेश अध्यक्ष बने डॉक्टर नितिन गुप्ता
मुंबई।  सनातन और सामाजिक कार्यों के प्रति समर्पित संगठन 'सनातन सुरक्षा सेना ' ने महाराष्ट्र में अपने संगठन का विस्तार करते हुए डॉ नितिन गुप्ता को मुंबई / महाराष्ट्र का नया प्रदेश अध्यक्ष नियुक्त किया है। यह घोषणा संगठन के शीर्ष नेतृत्व द्वारा आधिकारिक तौर पर की गई। डॉक्टर नितिन गुप्ता की यह नियुक्ति सनातन सुरक्षा सेवा के राष्ट्रीय अध्यक्ष महंत श्री शुभम गोस्वामी जी महाराज, राष्ट्रीय महामंत्री विकास सिंह ठाकुर और राष्ट्रीय उपाध्यक्ष आर्यन वर्मा की विशेष संस्तुति (अनुशंसा) के आधार पर की गई है। शीर्ष नेतृत्व ने डॉक्टर गुप्ता के नेतृत्व कौशल और संगठन के प्रति उनकी निष्ठा को देखते हुए उन्हें यह बड़ी जिम्मेदारी सौंपी है।
डॉक्टर नितिन गुप्ता लंबे समय से समाज के विभिन्न वर्गों के कल्याण के लिए सक्रिय रहे हैं। पूर्व में उनके द्वारा किए गए कई महत्वपूर्ण सामाजिक कार्यों के कारण जनता के बीच उनकी एक मजबूत पकड़ है। इसके साथ ही, उन्हें एक प्रखर हिंदूवादी नेता और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के बड़े नेताओं में गिना जाता है।
इस नई जिम्मेदारी के मिलने पर डॉक्टर नितिन गुप्ता ने राष्ट्रीय नेतृत्व का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि वे संगठन की उम्मीदों पर खरा उतरने और महाराष्ट्र में सनातन संस्कृति व सामाजिक सुरक्षा के कार्यों को और अधिक मजबूती देने का काम करेंगे। उनकी इस नियुक्ति पर भाजपा कार्यकर्ताओं, सामाजिक कार्यकर्ताओं और सनातन सुरक्षा सेवा के सदस्यों ने उन्हें बधाई और शुभकामनाएं दी हैं।
अग्रणी मिश्रा के प्रथम भरतनाट्यम मंचारोहण की जमकर की गई सराहना

ठाणे।  गडकरी रंगायतन में संस्कृति अकादमी ऑफ़ फाइन आर्ट्स के व्यवस्थापन एवं मार्गदर्शन में आज एक भव्य आध्यात्मिक एवं सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें भरतनाट्यम प्रशिक्षण के बाद कुमारी अग्रणी रूचि मनीष मिश्रा को प्रमुख आचार्य श्रीमती आशा सुनील कुमार एवं अन्य आचार्यों के आशीर्वाद के साथ मेडल एवं स्नातक प्रमाण पत्र प्रदान किया गया।कार्यक्रम की शुरुआत दीप प्रज्ज्वलन एवं गणेश वंदना से हुई। तत्पश्चात अग्रणी, नेहा एवं अनुभूति द्वारा शारदा कौत्वम, जतिश्वरम, शिव पंचाक्षर स्त्रोतम, वर्णम, आदिदानो रंगा, दुर्गा स्तुति राम भजन एवं तिल्लाना की संगीतमय एवं मनमोहक नाट्य प्रस्तुति की गयी।अग्रणी द्वारा रामभजन में सीता स्वयंबर की एकल नाट्य प्रस्तुति पर प्रेक्षागृह तालियों की गड़गड़ाहट से गूँज उठा।भरतनाट्यम में अरंगेत्रम का शाब्दिक अर्थ मंच पर प्रथम बार आरोहण होता है। यह आयोजन एक स्नातक समारोह की तरह है जो बर्षों की कठिन मेहनत एवं प्रशिक्षण के बाद छात्र की व्यावसायिक यात्रा का प्रतीक है। कुमारी अग्रणी की यह यात्रा दस वर्षों में सम्पन्न हुई है। जिसमें अकादमी द्वारा पितृ पक्ष एवं मातृ पक्ष के परिजनों को आशीर्वाद देने के लिए आमंत्रित किया गया था।  मंगलम नाट्य प्रस्तुति एवं हर-हर महादेव के उद्घोष से कार्यक्रम का  समापन हुआ। कार्यक्रम में पितृ पक्ष से दादा सुरेश चन्द्र देव नारायण मिश्र (सेवानिवृत शिक्षक )एवं दादी सुमित्रा ने अग्रणी को आशीर्वाद दिया। अन्य पारिवारिक सदस्यों में उमेश मिश्र, ब्लॉक अध्यक्ष प्राथमिक शिक्षक संघ,बदलापुर, जय प्रकाश मिश्र(सेवानिवृत मुख्य बुकिंग पर्यवेक्षक ) विजयप्रकाश मिश्र (सेकेण्डरी शिक्षक), गिरीश मिश्र(लान टेनिस कोच )हरीश, अजय, अवनीश-रानी मिश्र सभी सपरिवार, वशिष्ठ सपरिवार के साथ-साथ मातृ पक्ष से प्रेम नाथ मिश्र एवं राजेन्द्र नाथ मिश्र, श्रीमती रश्मि पाण्डेय, विश्वम्भर नाथ पाण्डेय सपरिवार,तथा अन्य सम्बन्धियों एवं उपस्थित शुभचिंतकों ने अग्रणी के उज्ज्वल भविष्य के लिए आशीर्वाद दिया।
हास्य कवि सुरेश मिश्र को मिलेगा पं. बाण पुरस्कार
मुंबई। महाकवि बाण प्रतिष्ठान द्वारा प्रतिवर्ष दिया जाने वाला देश का प्रतिष्ठित साहित्यिक पुरस्कार 'पं. बाण सम्मान' इस वर्ष मुंबई के लब्धप्रतिष्ठित हास्य कवि सुरेश मिश्र को पंद्रह जुलाई 2026 को देशभारती पब्लिक इंटर कॉलेज, राजाजीपुरम, लखनऊ, उत्तर प्रदेश में प्रदान किया जाएगा जिसके तहत शॉल, स्मृति चिन्ह, प्रशस्ति पत्र के साथ इक्यावन हजार रुपए नकद दिए जाएंगे, साथ ही देश के मूर्धन्य विद्वान व ओजरस के शिखर कवि पं. वेदव्रत वाजपेई के जन्म दिवस को गुरु पर्व के रूप में मनाया जाएगा। इस अवसर पर होने होने वाले अखिल भारतीय कवि सम्मेलन में सुरेश मिश्र द्वारा रचित हिंदी साहित्य के इतिहास की प्रकाशित पहला डमरू छंद संग्रह डमरू शतक का विमोचन भी किया जाएगा।यह घोषणा देशभारती पब्लिक इंटर कालेज के संस्थापक पंडित वेदव्रत वाजपेई ने एक प्रेस कांफ्रेंस में की। इस अवसर पर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री, मंत्री, सांसद और विधायकों के साथ कई अन्य गणमान्य लोग उपस्थित रहेंगे। सुरेश मिश्र की अब तक आठ पुस्तकें प्रकाशित हो चुकी हैं।उनकी रचित कविता 'नदी की पुकार' कक्षा नौवीं (लोकवाणी) में और 'मां-बाप से बढ़कर कोई भगवान नहीं है' कक्षा छठवीं (बांग्ला भारती) में महाराष्ट्र के शिक्षा बोर्ड के पाठ्यक्रम में शामिल है। इन्हें साहित्य अकादमी सहित दर्जनों प्रतिष्ठित पुरस्कार प्राप्त हो चुके हैं। इंटर कॉलेज के प्रबंधक मनुव्रत वाजपेई ने तमाम साहित्य रसिकों से इस साहित्यिक यज्ञ में उपस्थित रहने का आवाहन किया है।
राजपाल यादव अच्छे अभिनेता के साथ अच्छे इंसान : कैलाश मासूम
मुंबई। राजपाल यादव को हाल ही में दिल्ली हाई कोर्ट ने चेक बाउंस मामले में तीन महीने की सजा सुनाई है साथ ही करोड़ों रुपये का जुर्माना भी लगाया है! वहीं राजपाल यादव की जल्द आने वाली फ़िल्म “घोड़ी पे चढ़के आना” के निर्देशक कैलाश मासूम ने कहा है कि क़ानूनी प्रक्रिया अपनी जगह है लेकिन मैं इतना बता सकता हूँ कि राजपाल यादव ना केवल एक बेहतरीन और महान अभिनेता हैं बल्कि वो दिल के भी बहुत अच्छे इंसान हैं, लोगों की मदद करते हैं , अपना वादा निभाते हैं! आज भी देश विदेश में उनके करोड़ों प्रशंसक हैं और उनकी फ़िल्में देखकर इंटरटेन होते हैं ! राजपाल यादव का भारतीय सिनेमा में बहुत बड़ा योगदान है, दुर्भाग्यपूर्ण है कि यह विवाद सुलझ नहीं पाया और उनको जेल जाना पड़ा. कैलाश मासूम ने कहा कि राजपाल यादव एक भले इंसान हैं एक बार वो  किसी पे भरोसा कर लेते हैं तो आँख बंद करके उसके साथ चल देते हैं, कई बार लोग उनके सीधे पन का भी ग़लत फायदा उठा लेते हैं! बता दें कि राजपाल यादव ने हाल ही में “फ़िल्म घोड़ी पे चढ़के आना” में काम किया है जिसके हीरो प्रबुद्ध और हीरोइन शिवानी कुमारी हैं! फ़िल्म के निर्माता प्रकाश जयसवाल हैं! राजपाल यादव के अलावा राकेश बेदी, पंकज झा, राजेश शर्मा और बृजेन्द्र काला जैसे कई अन्य कलाकार भी नज़र आयेंगे !चेक बाउंस मामले में तीन महीने की सजा सुनाई है साथ ही करोड़ों रुपये का जुर्माना भी लगाया है! वहीं राजपाल यादव की जल्द आने वाली फ़िल्म “घोड़ी पे चढ़के आना” के निर्देशक कैलाश मासूम ने कहा है कि क़ानूनी प्रक्रिया अपनी जगह है लेकिन मैं इतना बता सकता हूँ कि राजपाल यादव ना केवल एक बेहतरीन और महान अभिनेता हैं बल्कि वो दिल के भी बहुत अच्छे इंसान हैं, लोगों की मदद करते हैं , अपना वादा निभाते हैं! आज भी देश विदेश में उनके करोड़ों प्रशंसक हैं और उनकी फ़िल्में देखकर इंटरटेन होते हैं ! राजपाल यादव का भारतीय सिनेमा में बहुत बड़ा योगदान है, दुर्भाग्यपूर्ण है कि यह विवाद सुलझ नहीं पाया और उनको जेल जाना पड़ा. कैलाश मासूम ने कहा कि राजपाल यादव एक भले इंसान हैं एक बार वो  किसी पे भरोसा कर लेते हैं तो आँख बंद करके उसके साथ चल देते हैं, कई बार लोग उनके सीधे पन का भी ग़लत फायदा उठा लेते हैं! बतादें कि राजपाल यादव ने हाल ही में “फ़िल्म घोड़ी पे चढ़के आना” में काम किया है जिसके हीरो प्रबुद्ध और हीरोइन शिवानी कुमारी हैं! फ़िल्म के निर्माता प्रकाश जयसवाल हैं! राजपाल यादव के अलावा राकेश बेदी, पंकज झा, राजेश शर्मा और बृजेन्द्र काला जैसे कई अन्य कलाकार भी नज़र आयेंगे !
सनातन सुरक्षा सेना के महाराष्ट्र प्रदेश अध्यक्ष बने डॉक्टर नितिन गुप्ता
मुंबई।  सनातन और सामाजिक कार्यों के प्रति समर्पित संगठन 'सनातन सुरक्षा सेना ' ने महाराष्ट्र में अपने संगठन का विस्तार करते हुए डॉ नितिन गुप्ता को मुंबई / महाराष्ट्र का नया प्रदेश अध्यक्ष नियुक्त किया है। यह घोषणा संगठन के शीर्ष नेतृत्व द्वारा आधिकारिक तौर पर की गई। डॉक्टर नितिन गुप्ता की यह नियुक्ति सनातन सुरक्षा सेवा के राष्ट्रीय अध्यक्ष महंत श्री शुभम गोस्वामी जी महाराज, राष्ट्रीय महामंत्री विकास सिंह ठाकुर और राष्ट्रीय उपाध्यक्ष आर्यन वर्मा की विशेष संस्तुति (अनुशंसा) के आधार पर की गई है। शीर्ष नेतृत्व ने डॉक्टर गुप्ता के नेतृत्व कौशल और संगठन के प्रति उनकी निष्ठा को देखते हुए उन्हें यह बड़ी जिम्मेदारी सौंपी है।
डॉक्टर नितिन गुप्ता लंबे समय से समाज के विभिन्न वर्गों के कल्याण के लिए सक्रिय रहे हैं। पूर्व में उनके द्वारा किए गए कई महत्वपूर्ण सामाजिक कार्यों के कारण जनता के बीच उनकी एक मजबूत पकड़ है। इसके साथ ही, उन्हें एक प्रखर हिंदूवादी नेता और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के बड़े नेताओं में गिना जाता है।
इस नई जिम्मेदारी के मिलने पर डॉक्टर नितिन गुप्ता ने राष्ट्रीय नेतृत्व का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि वे संगठन की उम्मीदों पर खरा उतरने और महाराष्ट्र में सनातन संस्कृति व सामाजिक सुरक्षा के कार्यों को और अधिक मजबूती देने का काम करेंगे। उनकी इस नियुक्ति पर भाजपा कार्यकर्ताओं, सामाजिक कार्यकर्ताओं और सनातन सुरक्षा सेवा के सदस्यों ने उन्हें बधाई और शुभकामनाएं दी हैं।
राज्यपाल जिष्णु देव वर्मा द्वारा ‘स्टार्टअप फ्रंटियर 1.0’ कार्यशाला का उद्घाटन
मुंबई। ज्ञान को नवोन्मेषी समाधानों में, चुनौतियों को अवसरों में तथा विचारों को उद्योगों में रूपांतरित करने की क्षमता ही आज की आर्थिक प्रगति की वास्तविक शक्ति है। इसलिए विश्वविद्यालय केवल डिग्री प्रदान करने वाले संस्थान न रहकर नवाचार, बौद्धिक संपदा, स्टार्टअप्स तथा सामाजिक परिवर्तन के केंद्रों के रूप में विकसित हों, ऐसा प्रतिपादन मा. राज्यपाल श्री जिष्णु देव वर्माजी ने किया।यशवंतराव चव्हाण प्रतिष्ठान में कौशल, रोजगार, उद्यमिता एवं नवाचार विभाग के अंतर्गत रतन टाटा महाराष्ट्र राज्य कौशल विश्वविद्यालय तथा आई स्पार्क फाउंडेशन द्वारा आयोजित दिवसीय सम्मेलन एवं प्रदर्शनी ‘स्टार्टअप फ्रंटियर 1.0’ का उद्घाटन राज्यपाल के करकमलों द्वारा किया गया। इस अवसर पर कौशल, रोजगार, उद्यमिता एवं नवाचार मंत्री मंगल प्रभात लोढ़ा, अतिरिक्त मुख्य सचिव मनीषा वर्मा, रतन टाटा महाराष्ट्र राज्य कौशल विश्वविद्यालय की कुलगुरु डॉ. अपूर्वा पालकर, एचपी इंडिया की वरिष्ठ उपाध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक इप्सिता दासगुप्ता, कौशल विकास आयुक्त डॉ. अमित सैनी, राज्यपाल के सचिव डॉ. प्रशांत नारनवरे, राज्यपाल सचिवालय के सहसचिव एस. राममूर्ति, महाराष्ट्र राज्य नवाचार सोसायटी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी डॉ. श्रीकांत पाटील, व्यवसाय एवं प्रशिक्षण संचालनालय के संचालक सतीश सूर्यवंशी, विश्वविद्यालय के कुलसचिव डॉ. वैभव नारवडे तथा उद्योग जगत के गणमान्य व्यक्तियों, निवेशकों, मार्गदर्शकों, उद्यमियों, स्टार्टअप्स, प्राध्यापकों एवं विद्यार्थियों की उपस्थिति रही। इस अवसर पर मा. राज्यपाल के करकमलों द्वारा मेडिकल लैब तथा एचपी क्रिएटिव गैरेज लैब का उद्घाटन भी किया गया। इस अवसर पर कुलगुरु डॉ. अपूर्वा पालकर ने मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस का संदेश पढ़कर सुनाया। महाराष्ट्र के विद्यार्थियों के लिए उद्योग-संबंधित कौशल विकास कार्यक्रम संचालित करने के उद्देश्य से रतन टाटा महाराष्ट्र राज्य कौशल विश्वविद्यालय एवं आईआईटी मद्रास के बीच गणमान्य व्यक्तियों की उपस्थिति में समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए। इसके अंतर्गत ऑनलाइन शिक्षा, प्रमाणपत्र, इंटर्नशिप तथा मार्गदर्शन उपलब्ध कराया जाएगा। 'वर्टिव' कंपनी के कॉर्पोरेट सामाजिक उत्तरदायित्व (सीएसआर) निधि से एक निःशुल्क कौशल विकास कार्यक्रम प्रारंभ किया जा रहा है। इसके अंतर्गत महाराष्ट्र के 1,500 विद्यार्थियों को प्रशिक्षित करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इसमें कंप्यूटर साइंस, इलेक्ट्रिकल, इलेक्ट्रॉनिक्स तथा मैकेनिकल शाखाओं के वर्ष 2026 में उत्तीर्ण तथा वर्ष 2027 में उत्तीर्ण होने वाले विद्यार्थियों को शामिल किया जाएगा। प्रशिक्षण के अंतर्गत डेटा सेंटर ऑपरेशंस एवं इंफ्रास्ट्रक्चर मैनेजमेंट, क्रिटिकल पावर एवं कूलिंग सिस्टम्स, भौतिक सुरक्षा प्रणाली, ऑपरेशंस एवं मेंटेनेंस पद्धतियां तथा उद्योग मानकों से संबंधित पाठ्यक्रम शामिल होंगे। इन प्रशिक्षण कार्यक्रमों से डेटा सेंटर तथा डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर जैसे तीव्र गति से विकसित हो रहे क्षेत्रों में रोजगार के अवसर उपलब्ध होंगे। स्टार्टअप प्रदर्शनी में कृषि, शिक्षा, फिनटेक, डीपटेक, कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई), मशीन लर्निंग (एमएल) तथा अन्य उभरते क्षेत्रों के स्टार्टअप्स द्वारा विकसित नवोन्मेषी उत्पादों एवं प्रौद्योगिकी आधारित समाधानों का प्रदर्शन किया गया। कार्यक्रम के दौरान स्टार्टअप मार्गदर्शन विषयों पर परिचर्चाओं का भी आयोजन किया गया।
मोदी के बाद ,देश की जनता लौह पुरुष अमित शाह को प्रधानमंत्री के रूप में देखना चाहती है
– श्रीनिवासानन्द महाराज

भारतीय राजनीति में कुछ ऐसे नाम रहे जो सिर्फ पद नहीं. युग का प्रतीक बन गए। वर्तमान गृहमंत्री के रूप में अमित शाह का नाम उसी मुकाम पर पहुंच गया है। संगठन से लेकर सुरक्षा तक, हर मोर्चे पर उनके निर्णयों ने भारत को आंतरिक रूप से मजबूत और वैश्विक मंच पर आत्मविश्वासी बनाया है। यही कारण है कि 2024 के बाद प्रधानमंत्री पद के लिए उनका नाम सबसे प्रमुख दावेदार के रूप में उभर रहा है।

गृहमंत्री के रूप में सराहनीय कार्य

1. अनुच्छेद 370 की समाप्ति-कश्मीर का एकीकरण

5 अगस्त 2019 को अमित शाह ने संसद में अनुच्छेद 370 और 35A हटाने का ऐतिहासिक प्रस्ताव रखा। दशकों से चली आ रही "अलगाव की दीवार एक झटके में गिर गई। परिणामः कश्मीर अब पूरी तरह भारत का अभिन्न अंग है, वहाँ निवेश बढ़ा, पत्थरबाजी रुकी, और पर्यटन 10 गुना बढ़ गया। एक राष्ट्र, एक संविधान

का सपना पूरा हुआ।

2. CAA - शरणार्थियों को नागरिकता, मानवता की जीत

नागरिकता संशोधन कानून 2019 के जरिए पाकिस्तान, अफगानिस्तान, बांग्लादेश से प्रताड़ित होकर आए हिंदू, सिख, जैन, बौद्ध, पारसी, ईसाई शरणार्थियों को नागरिकता का रास्ता मिला। अमित शाह ने संसद में तर्क दिया कि ये कानून 'किसी की नागरिकता छीनने के लिए नहीं, देने के लिए है। ये फैसला सांस्कृतिक और मानवीय संवेदना का प्रतीक बना।

3. नक्सलवाद पर निर्णायक प्रहार

"बाएं हाथ का आतंक" माने जाने वाले नक्सलवाद को अमित शाह ने जड़ से हिलाया। उनकी 'समर्पण और विकास नीति के तहत 2024 तक नक्सल प्रभावित जिलों की संख्या 90 से घटकर 38 रह गईी CRPF, BSF को आधुनिक हथियार और ड्रोन दिए गए। लाल गलियारा अब धीरे-धीरे विकास के गलियारे में बदल रहा है।

4. तीन तलाक कानून - मुस्लिम महिलाओं को न्याय

'तलाक-तलाक-तलाक" कहकर महिलाओं को छोड़ देने की कुप्रथा पर अमित शाह ने कानून बनवाया। मुस्लिम महिला विवाह अधिकार संरक्षण अधिनियम 2019 से लाखों महिलाओं को कानूनी सुरक्षा और सम्मान मिला। से फैसला महिला सशक्तिकरण की दिशा में बड़ा कदम था।

5. आंतरिक सुरक्षा का नया मॉडल

पुलिस आधुनिकीकरण: पुलिस बल को ड्रोन, बॉडीकैम, फॉरेंसिक लैब से लैस किया।

सीमा सुरक्षा: पाकिस्तान और बांग्लादेश सीमा पर स्मार्ट फेंसिंग, लेजर वॉल लगाई। घुसपैठ 60% घटी।

NIA को ताकत : NIA को आतंक, फंडिंग, साइबर क्राइम के केस लेने का अधिकार मिला। अब देश में आतंकी हमले नगण्य हो गए हैं।

6. सहकारिता मंत्रालय गाँव की अर्थव्यवस्था को बल

अमित शाह के पास सहकारिता मंत्रालय भी है। उनके नेतृत्व में 2 लाख नई PACS, डिजिटल सहकारी बैंक और "सहकार से समृद्धि का मॉडल बना। गाँव का किसान अब सीधे मंडी से जुड़ रहा है।

निष्कर्ष: पीएम पद के लिए क्यों उपयुक्त?

अमित शाह में 3 गुण हैं जो प्रधानमंत्री पद के लिए जरुरी हैं

1. निर्णय क्षमताः 370 हो या CAA, फैसला तुरंत और पक्का।

2. संगठन कौशल : भाजपा को विश्व की सबसे बड़ी पार्टी बनाने का श्रेय उन्हीं को।

3. राष्ट्र प्रथम की सोच: हर नीति का केंद्र बिंदु भारत की सुरक्षा और एकता।

गृहमंत्री रहते हुए उन्होंने साबित किया कि वो देश की आंतरिक रीढ़ हैं। ऐसे नेता ही भारत को 2047 तक विकसित भारत' बना सकते हैं। आज देश जिस मजबूती और दूरदर्शिता की तलाश में है, वो अमित शाह में दिखती है। इसीलिए वो प्रधानमंत्री पद के स्वाभाविक और प्रबल दावेदार हैं।