2027 में भाजपा को हराओ, सपा को जिताकर अखिलेश को  प्रदेश का मुख्यमंत्री बनाओ  विश्वकर्मा

फर्रुखाबाद l समाजवादी पार्टी के कद्दावर नेता एवं पूर्व मंत्री राम आसरे विश्वकर्मा ने भाजपा सरकार पर तीखा प्रहार करते हुए कहा कि बेरोजगारी चरम सीमा पर पहुंच गई है । भ्रष्टाचार  बढ़ता ही जा रहा है । आए दिन अत्याचार और उत्पीड़न हो रहा है इसलिए इन सबका एक ही तरीका है कि अब आप भारतीय जनता पार्टी सरकार को हटाने का काम करें, उन्होंने कहा कि 2027 के चुनाव में भारतीय जनता पार्टी को हराओ और समाजवादी पार्टी को जिताकर के अखिलेश यादव को प्रदेश का मुख्यमंत्री बनाने का काम करें।
एक-दूसरे के संरक्षण में फल-फूल रहे अवैध क्लीनिक,मरीजों की जेब पर डाका डाल रहे झोलाछाप डॉक्टर


फर्रुखाबाद। जनपद फर्रुखाबाद के विकासखंड राजेपुर  के अंतर्गत राजपुर गुड़ेरा संपर्क मार्ग पर अवैध क्लिनिको की भरमार। इन दिनों अवैध क्लीनिकों और झोलाछाप डॉक्टरों का कारोबार तेजी से फल-फूल रहा है। आरोप है कि कुछ लोग एक-दूसरे के संरक्षण में बिना किसी वैध डिग्री और अनुमति के क्लीनिक संचालित कर रहे हैं। ग्रामीण क्षेत्रों के भोले-भाले मरीजों को इलाज के नाम पर गुमराह कर उनसे मनमानी फीस वसूली जा रही है। कई मामलों में मरीजों को गलत उपचार देकर उनके स्वास्थ्य के साथ भी खिलवाड़ किया जा रहा है। स्वास्थ्य विभाग की कार्रवाई न होने से ऐसे अवैध क्लीनिक संचालकों के हौसले बुलंद हैं और ग्रामीण जनता आर्थिक एवं स्वास्थ्य संबंधी नुकसान झेलने को मजबूर है।
पीआरडी जवान फांसी पर झूला,पुलिस ने भरा पंचनामा

अमृतपुर राजेपुर फर्रुखाबाद 2 जून।थाना क्षेत्र के ग्राम राजेपुर राठौरी में मंगलवार को एक पीआरडी जवान द्वारा फांसी लगाकर आत्महत्या किए जाने की घटना से गांव में सनसनी फैल गई। सूचना मिलते ही थाना पुलिस मौके पर पहुंची और कार्यवाही शुरू कर दी।प्राप्त जानकारी के अनुसार ग्राम राजेपुर राठौरी निवासी धीरेंद्र सिंह पुत्र जोगराज सिंह  पीआरडी में तैनात थे।बीती रात उन्होंने घर के बाहर स्थित आम के पेड़ पर सफेद गमछे का फंदा बनाकर आत्महत्या कर ली। परिजनों ने बताया कि जब उन्होंने धीरेंद्र सिंह को पेड़ से लटका देखा तो तत्काल उन्हें नीचे उतारकर जमीन पर लिटाया लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी।घटना की सूचना पीआरबी 5604 के माध्यम से थाना पुलिस को दी गई। सूचना मिलते ही पुलिस टीम मौके पर पहुंची और घटनास्थल का निरीक्षण किया। मृतक की मौत से परिवार में कोहराम मच गया।अपने प्रियजन की मौत पर परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हो गया।पुलिस के अनुसार परिजनों से तहरीर प्राप्त कर आवश्यक वैधानिक कार्रवाई की जा रही है। शव का पंचायतनामा भर आगे की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। पुलिस मामले के सभी पहलुओं की जांच कर रही है। घटना के पीछे के कारणों का अभी स्पष्ट पता नहीं चल सका है।
गांव में हुई इस दुखद घटना के बाद शोक का माहौल है। बड़ी संख्या में ग्रामीण मृतक के घर पहुंचकर परिजनों को सांत्वना दे रहे हैं।
सोता नाल में डूबकर वृद्ध की मौत,दूसरे दिन पानी में मिला शव
पुलिस ने पंचनामा भर पोस्टमार्टम के लिए भेजा

अमृतपुर फर्रुखाबाद 2 जून।थाना क्षेत्र के ग्राम परतापुर कला निवासी एक वृद्ध की सोता नाले में डूबने से मौत हो गई। घटना की जानकारी मिलते ही ग्रामीण व परिजन मौके पर इकट्ठा हो गए। सूचना पर पहुंचे थाना अध्यक्ष ने ग्रामीणों की मदद से शव को पानी से बाहर निकलवाया। वृद्ध की मौत से परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है।जानकारी के अनुसार ग्राम परतापुर कला निवासी शिशुपाल 70 पुत्र भूमिराज सोमवार शाम लगभग 4 बजे अपने पशुओं को चराने व पानी पिलाने के लिए सोता नाला की ओर गए थे। बताया जा रहा है कि इसी दौरान किसी कारणवश उनका पैर फिसल गया और वह गहरे पानी में जा गिरे। आसपास कोई मौजूद न होने के कारण उन्हें तत्काल बचाया नहीं जा सका। घर के लोग उनकी तलाश करते रहे लेकिन उनका कोई पता नहीं चला। मंगलवार सुबह करीब 8 बजे ग्रामीणों ने नाले में एक शव को पानी के ऊपर तैरता देखा। शव दिखाई देने पर क्षेत्र में हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही थाना अध्यक्ष पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों की सहायता से शव को बाहर निकलवाया गया।थाना अध्यक्ष ने बताया कि प्रथम दृष्टया मामला पानी में डूबने से मृत्यु का प्रतीत हो रहा है। पुलिस ने आवश्यक कार्रवाई करते हुए शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मृत्यु के वास्तविक कारणों की पुष्टि हो सकेगी।वृद्ध की असमय मौत से परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है। घर पर मातम पसरा हुआ है और गांव में शोक का माहौल बना हुआ है। बड़ी संख्या में ग्रामीण मृतक के घर पहुंचकर परिजनों को ढांढस बंधाने में जुटे रहे।
प्रशासनिक लापरवाही बरतने पर ग्राम पंचायत सचिव का वेतन रोका, 6 माह से गोपालको  को मान दे य न मिलने पर जताई नाराजगी


फर्रुखाबाद । गो आश्रय स्थलों की समीक्षा के दौरान लापरवाही पर नाराजगी जताते व्यवस्थाओं में सुधार करने के कड़े निर्देश दिए हैं l साथ ही 6 माह से गोपालको को  मानदेय ना मिलने पर संबंधित अधिकारी को फटकार लगाते हुए तत्काल भुगतान करने के निर्देश दिए हैं, गौ शालाओं में वृक्षारोपण करने के निर्देश दिए। गौशाला बसेली के ग्राम पंचायत सचिव द्वारा प्रशासनिक लापरवाही बरसाने पर अग्रिम आदेशों तक वेतन रोकने के आदेश दिए हैं उन्होंने कहा कि जिन गौ स्थलों पर विद्युत कनेक्शन नहीं है वहां तत्काल कराए जाए l
जिलाधिकारी डॉ. अंकुर लाठर की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में गो आश्रय स्थल जिला स्तरीय अनुश्रवण समिति की बैठक आयोजित की गई। बैठक में जनपद के विभिन्न गो आश्रय स्थलों की व्यवस्थाओं, संरचनात्मक सुविधाओं, गोवंश संरक्षण, वित्तीय प्रबंधन तथा संचालित कार्यों की विस्तृत समीक्षा की गई।
बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि जनपद की समस्त गौशालाओं में आगामी वृक्षारोपण अभियान के अंतर्गत वृहद स्तर पर पौधरोपण की तैयारी सुनिश्चित की जाए तथा तीन दिवस के भीतर कार्ययोजना सहित रिपोर्ट प्रस्तुत की जाए। समीक्षा के दौरान गौशाला कड़ियोली एवं मौधा में भूमि ऊसर होने के कारण लगाए गए पौधों के सूखने की जानकारी मिलने पर जिलाधिकारी ने प्रभागीय वनाधिकारी को भूमि उपचार एवं पौधों की बेहतर वृद्धि हेतु आवश्यक तकनीकी एवं सुधारात्मक कार्यवाही करने के निर्देश दिए।
बैठक में यह भी पाया गया कि गैर सरकारी संस्था (एनजीओ) द्वारा संचालित गौ आश्रय स्थल सितवनपुर पिथू एवं सुल्तानपुर पलनापुर का संचालन संतोषजनक नहीं है। इस पर गंभीर नाराजगी व्यक्त करते हुए जिलाधिकारी ने तत्काल प्रभाव से इन गौ आश्रय स्थलों का संचालन संबंधित ग्राम पंचायतों को हस्तांतरित करने के निर्देश दिए, जिससे व्यवस्थाओं में सुधार लाया जा सके।
जिलाधिकारी ने सभी खंड विकास अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे अपने-अपने विकास खंडों में संचालित प्रत्येक गौशाला का सप्ताह में कम से कम एक बार निरीक्षण करें तथा वहां उपलब्ध सुविधाओं, पशुओं के स्वास्थ्य, चारे, पेयजल एवं अन्य आवश्यक व्यवस्थाओं का नियमित रूप से परीक्षण कर आवश्यक सुधारात्मक कार्रवाई सुनिश्चित करें।
समीक्षा के दौरान गौ आश्रय स्थल बसेली में नोडल अधिकारी के निरीक्षण के समय अभिलेख उपलब्ध न पाए जाने पर जिलाधिकारी ने इसे गंभीर प्रशासनिक लापरवाही मानते हुए संबंधित ग्राम पंचायत सचिव का वेतन अग्रिम आदेशों तक रोकने के निर्देश दिए।
खंड विकास अधिकारी बढ़पुर को गौ आश्रय स्थल नेपुर खुर्द के संपर्क मार्ग की खराब स्थिति के संबंध में तत्काल ब्लॉक प्रमुख से समन्वय स्थापित कर मार्ग को दुरुस्त कराने के निर्देश दिए गए, जिससे आवागमन एवं व्यवस्थाओं के संचालन में किसी प्रकार की बाधा न हो।
गौ आश्रय स्थल भरतामऊ में विद्युत कनेक्शन न होने पर जिलाधिकारी ने कड़ी नाराजगी व्यक्त की तथा संबंधित खंड विकास अधिकारी को दस दिवस के भीतर विद्युत कनेक्शन उपलब्ध कराते हुए अनुपालन रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।
बैठक में बृहद गौ संरक्षण केंद्र पहाड़पुर के गोपालकों को पिछले छह माह से मानदेय का भुगतान न होने का मामला भी सामने आया। इस पर जिलाधिकारी ने कड़ी नाराजगी व्यक्त करते हुए संबंधित खंड विकास अधिकारी को निर्देशित किया कि दो दिवस के भीतर संबद्ध ग्राम पंचायतों से एसएफसी पूलिंग की धनराशि एकत्रित कर सभी गोपालकों के लंबित मानदेय का भुगतान सुनिश्चित किया जाए।
जिलाधिकारी ने कहा कि गोवंश संरक्षण शासन की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में शामिल है तथा गौ आश्रय स्थलों के संचालन में किसी प्रकार की शिथिलता या लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने सभी अधिकारियों को निर्धारित समयावधि में निर्देशों का अनुपालन सुनिश्चित करने तथा नियमित निगरानी रखने के निर्देश दिए।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी, प्रभागीय वनाधिकारी, जिला पंचायत राज अधिकारी, समस्त खंड विकास अधिकारी एवं अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
“नृत्यं संस्कृतिः, नृत्यं साधना, नृत्यं जीवनम्।” ओमाँजलि नृत्य अकादमी का शुभारंभ, बच्चों को मिलेगी कथक की शिक्षा!
फर्रुखाबाद। संस्कृति विभाग उत्तरप्रदेश की कथक नृत्यांगना  अंजलि चौहान के मार्गदर्शन में कथक और शास्त्रीय कला के संरक्षण और संवर्धन के उद्देश्य से उमांजलि नृत्य अकादमी का शुभारंभ हर्षोल्लास एवं गरिमामय वातावरण में संपन्न हुआ। उद्घाटन समारोह में भारतीय नृत्य अकादमी के सदस्य सुरेन्द्र पाण्डेय सदस्य उत्तरप्रदेश भारतेन्दु नाट्य अकादमी भूपेन्द्र प्रताप सिंह समन्वयक अभिव्यंजना, रश्मि सिंह कोषाध्यक्ष आकांक्षा समिति, अंशु चौहान, मीना चौहान, गोविन्द यादव सहित अनेक गणमान्य नागरिकों ने सहभागिता कर अकादमी की इस पहल की सराहना की। इस अवसर पर उपस्थित अतिथियों ने कहा कि शास्त्रीय कलाएं बच्चों को अपनी सांस्कृतिक विरासत से जोड़ने के साथ-साथ उनके व्यक्तित्व विकास, आत्मविश्वास एवं अनुशासन को भी सुदृढ़ करती हैं। उन्होंने अकादमी के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए इसे क्षेत्र में भारतीय संस्कृति के प्रचार-प्रसार की दिशा में एक सराहनीय प्रयास बताया।
अकादमी की संचालिका एवं कथक नृत्यांगना अंजलि चौहान ने बताया कि बच्चों के लिए 15 दिवसीय कथक कार्यशाला का आयोजन किया जा रहा है। कार्यशाला के माध्यम से विद्यार्थियों को कथक नृत्य की मूलभूत तकनीकों, भारतीय संस्कृति, परंपराओं एवं शास्त्रीय नृत्य की समृद्ध विरासत से परिचित कराया जाएगा। उन्होंने कहा कि कथक केवल एक नृत्य शैली नहीं, बल्कि अनुशासन, एकाग्रता, आत्मविश्वास और सांस्कृतिक मूल्यों के विकास का सशक्त माध्यम है। इससे बच्चों की मंचीय प्रस्तुति क्षमता में वृद्धि होती है तथा भविष्य में सांस्कृतिक कार्यक्रमों, प्रतियोगिताओं और कला के क्षेत्र में बेहतर अवसर प्राप्त होते हैं। कार्यक्रम के अंत में सभी अतिथियों, अभिभावकों एवं उपस्थित जनों का आभार व्यक्त किया गया तथा बच्चों को भारतीय संस्कृति एवं शास्त्रीय कलाओं से जोड़ने के इस अभियान को निरंतर आगे बढ़ाने का संकल्प लिया गया।
19 मेधावी छात्र-छात्राओं को किया गया सम्मानित, सांसद ने दीप प्रज्वलित कर किया कार्यक्रम का शुभारंभ


मेधावी प्रदेश एवं राष्ट्र की अमूल्य धरोहर सांसद

फर्रुखाबाद । जनपद के
यूपी बोर्ड परीक्षा के 19 मेधावी छात्र-छात्राओं का समारोह में सम्मान हुआ l जनपद का नाम रोशन करने पर विद्यार्थियों की सराहना हुई l माध्यमिक शिक्षा परिषद, प्रयागराज की हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट परीक्षा वर्ष 2026 में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले जनपद के मेधावी छात्र-छात्राओं का सम्मान समारोह कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजन किया गया।
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में सांसद मुकेश राजपूत, विधायक अमृतपुर सुशील कुमार शाक्य, भारतीय जनता पार्टी के जिलाध्यक्ष फतेह चन्द्र वर्मा, जिलाधिकारी डॉ. अंकुर लाठर, मुख्य विकास अधिकारी विनोद कुमार गौड़, जिला विकास अधिकारी श्याम कुमार तिवारी तथा जिला विद्यालय निरीक्षक संजीव कुमार उपस्थित रहे। साथ ही जनपद के विभिन्न माध्यमिक विद्यालयों के प्रधानाचार्य, शिक्षक-शिक्षिकाएं, सम्मानित छात्र-छात्राएं एवं उनके अभिभावक भी कार्यक्रम में बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन एवं अतिथियों के स्वागत के साथ हुआ। इसके उपरांत उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा लोकभवन, लखनऊ में आयोजित राज्य स्तरीय मेधावी छात्र सम्मान समारोह का सजीव प्रसारण प्रोजेक्टर के माध्यम से उपस्थित जनसमूह को दिखाया गया। समारोह में मुख्यमंत्री द्वारा प्रदेश के मेधावी विद्यार्थियों को सम्मानित किए जाने का दृश्य देखकर छात्र-छात्राओं एवं अभिभावकों में विशेष उत्साह एवं गौरव की भावना देखने को मिली।
जिला विद्यालय निरीक्षक संजीव कुमार ने कार्यक्रम की रूपरेखा प्रस्तुत करते हुए बताया कि माध्यमिक शिक्षा परिषद की हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले जनपद के कुल 19 मेधावी छात्र-छात्राओं को शासन के निर्देश पर सम्मानित किया गया है। उन्होंने कहा कि यह सम्मान विद्यार्थियों की कठिन मेहनत, अनुशासन एवं लगन का परिणाम है।
इस दौरान सांसद  मुकेश राजपूत ने कहा कि जनपद के मेधावी छात्र-छात्राएं प्रदेश एवं राष्ट्र की अमूल्य धरोहर हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को निरंतर अध्ययन, सकारात्मक सोच एवं उच्च लक्ष्यों के प्रति समर्पित रहने की प्रेरणा देते हुए कहा कि सफलता का कोई शॉर्टकट नहीं होता, बल्कि सतत परिश्रम और दृढ़ संकल्प ही सफलता की कुंजी है। उन्होंने सभी विद्यार्थियों को भविष्य में उच्च पदों पर पहुंचकर देश और समाज की सेवा करने की शुभकामनाएं दीं।
विधायक अमृतपुर सुशील शाक्य ने कहा कि शिक्षा ही व्यक्ति के व्यक्तित्व विकास एवं समाज के उत्थान का आधार है। उन्होंने विद्यार्थियों से जीवन में अनुशासन, नैतिक मूल्यों एवं सामाजिक उत्तरदायित्वों को अपनाने का आह्वान किया तथा अभिभावकों एवं शिक्षकों के योगदान की भी सराहना की।
जिलाधिकारी डॉ. अंकुर लाठर ने उपस्थित सभी जनप्रतिनिधियों एवं अतिथियों का स्वागत करते हुए मेधावी छात्र-छात्राओं को हार्दिक बधाई दी। उन्होंने कहा कि जनपद के विद्यार्थियों द्वारा प्राप्त की गई यह उपलब्धि न केवल उनके परिवार बल्कि पूरे जनपद के लिए गर्व का विषय है। उन्होंने विद्यार्थियों को जीवन में निरंतर सीखने, नवाचार अपनाने तथा अपनी प्रतिभा का उपयोग राष्ट्र निर्माण में करने के लिए प्रेरित किया। जिलाधिकारी ने कहा कि प्रशासन विद्यार्थियों की प्रतिभा को प्रोत्साहित करने और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा उपलब्ध कराने के लिए निरंतर प्रयासरत है।
समारोह के दौरान हाईस्कूल एवं इंटरमीडिएट परीक्षा वर्ष 2026 में जनपद स्तर पर स्थान प्राप्त करने वाले कुल 19 मेधावी छात्र-छात्राओं को ₹21,000 की प्रोत्साहन धनराशि, प्रशस्ति-पत्र एवं मेडल प्रदान कर सम्मानित किया गया। सम्मान प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों एवं उनके अभिभावकों के चेहरों पर खुशी एवं गर्व स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा था।
अतिथियों ने विद्यार्थियों की सफलता में योगदान देने वाले शिक्षकों एवं अभिभावकों को भी बधाई देते हुए कहा कि विद्यार्थियों की उपलब्धियों के पीछे उनके मार्गदर्शन, सहयोग और समर्पण की महत्वपूर्ण भूमिका होती है।
कार्यक्रम के अंत में सभी सम्मानित विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए शिक्षा के क्षेत्र में उत्कृष्टता को निरंतर प्रोत्साहित करने का संकल्प व्यक्त किया गया। समारोह का समापन राष्ट्रगान एवं धन्यवाद ज्ञापन के साथ सम्पन्न हुआ।
व्यापार मंडल के बरेली प्रशिक्षण में अंकुश श्रीवास्तव फ़िर बने युवा उद्योग व्यापार मंडल के प्रदेश उपाध्यक्ष

फर्रुखाबाद l उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार मंडल द्वारा बरेली में प्रशिक्षण शिविर एवं शपथ ग्रहण समारोह का कार्यक्रम आयोजित किया गया इस दौरान कार्यक्रम में प्रदेश 65 जिलों के पदाधिकारियो ने प्रतिभाग किया l इस दौरान राष्ट्रीय व्यापारी कल्याण बोर्ड भारत सरकार के अध्यक्ष सुनील सिंघी प्रदेश अध्यक्ष मुकुंद मिश्रा युवा प्रदेश प्रदेश अध्यक्ष जीतू सोनी जी प्रदेश महामंत्री दिलीप गुप्ता  की उपस्थिति में उत्तर प्रदेश युवा उद्योग व्यापार मंडल के प्रदेश पदाधिकारी को शपथ दिलाई गई । इस दौरान फर्रुखाबाद के अंकुश श्रीवास्तव को उत्तर प्रदेश युवा उद्योग व्यापार मंडल का प्रदेश उपाध्यक्ष दोवारा बनाया गया इस दौरान अंकुश श्रीवास्तव ने कहा कि व्यापार मंडल में दोबारा प्रदेश के व्यापारियों का नेतृत्व करने का अक्सर दिया है पूरी निष्ठा व ईमानदारी से अपने जिले व प्रदेश के व्यापारियों के हित में काम करेंगे वह किसी भी कीमत पर व्यापारियों का शोषण नहीं होने दिया जाएगा नेपाली गीत की आवाज आगे भी ऐसे ही उठाते रहेंगे प्रदेश में जो दोबारा जिम्मेदारी दी है उसका अच्छे से निर्माण करूंगा और सोशल मीडिया पर भी अब मजबूती से काम किया जाएगा वह व्यापारियों से डोर टू डोर मिल उनकी समस्याओं का निराकरण किया कराया जाएगा व्यापारियों के लिए 24 घंटे हम साथ खड़े हैं और मजबूती से व्यापारियों की आवाज को रखा जाएगा, उनके अधिकारों की लड़ाई को मजबूती से लड़ा जाएगा किसी भी प्रकार से व्यापारियों का शोषण नहीं होने दिया जाएगा यही शपथ ली गई l
छात्र संख्या कम होने पर बीईओ को प्रतिकूल प्रविष्टि, डीएम ने बेसिक शिक्षा की मासिक बैठक ली
फर्रुखाबाद l  बेसिक शिक्षा विभाग की मासिक समीक्षा बैठक कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी डॉ अंकुर लाठर की अध्यक्षता में आयोजित की गई। बैठक में विभागीय योजनाओं, नामांकन अभियान तथा दिव्यांग बच्चों हेतु संचालित व्यवस्थाओं की विस्तृत समीक्षा की गई।
समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने स्कूल चलो अभियान के अंतर्गत निर्धारित 35,800 नामांकन लक्ष्य के सापेक्ष केवल 25,421 नामांकन होने पर गहरी नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने कहा कि नामांकन बढ़ाने के लिए सभी खंड शिक्षा अधिकारियों को विशेष प्रयास करने होंगे तथा शत-प्रतिशत नामांकन सुनिश्चित करने के लिए प्रभावी रणनीति अपनानी होगी।
मोहम्मदाबाद क्षेत्र में नामांकन की खराब प्रगति पर जिलाधिकारी ने संबंधित खंड शिक्षा अधिकारी का दायित्व निर्धारित करते हुए उनके विरुद्ध प्रतिकूल प्रविष्टि देने के निर्देश दिए। वहीं कम्पिल नगर क्षेत्र में अपेक्षाकृत कम नामांकन होने पर भी उन्होंने असंतोष व्यक्त किया तथा संबंधित खंड शिक्षा अधिकारी को मुख्यालय से संबद्ध किए जाने हेतु निर्देशित किया।
जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि जिन विद्यालयों में 10 से कम विद्यार्थियों का नामांकन हुआ है, उनकी सूची तत्काल उपलब्ध कराई जाए। साथ ही ऐसे विद्यालयों की स्थिति के लिए उत्तरदायित्व निर्धारित करते हुए आवश्यक कार्यवाही कर आख्या प्रस्तुत की जाए।
बैठक में समावेशी शिक्षा की समीक्षा करते हुए जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि स्पेशल एजुकेटर द्वारा मई माह के दौरान कितने दिव्यांग बच्चों के घर जाकर भ्रमण किया गया है, इसकी विस्तृत सूची उपलब्ध कराई जाए। उन्होंने कहा कि विशेष आवश्यकता वाले बच्चों तक योजनाओं का लाभ पहुंचाना सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए।
जिलाधिकारी ने प्रत्येक विद्यालय में विशेष शिविर आयोजित कर फैमिली आईडी बनवाने की कार्यवाही सुनिश्चित करने के निर्देश दिए, जिससे पात्र परिवारों को विभिन्न शासकीय योजनाओं का लाभ सुगमता से प्राप्त हो सके।
दिव्यांग बच्चों के हितों को ध्यान में रखते हुए जिलाधिकारी ने जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को निर्देशित किया कि जिला दिव्यांगजन सशक्तीकरण अधिकारी के साथ समन्वय स्थापित कर आवश्यक सहायक उपकरण उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें। उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि जिन विद्यालयों में दिव्यांग बच्चों के लिए सुलभ शौचालय उपलब्ध नहीं हैं, वहां तत्काल निर्माण कार्य कराया जाए।
जिलाधिकारी ने सभी विद्यालयों में बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए आवश्यक खेल सामग्री एवं खेल उपकरण उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि गुणवत्तापूर्ण शिक्षा के साथ-साथ खेल गतिविधियों को भी विद्यालयी जीवन का अभिन्न हिस्सा बनाया जाए।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी, जिला विकास अधिकारी, परियोजना निदेशक डीआरडीए, जिला पूर्ति अधिकारी, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी तथा संबंधित विभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।
विशेष लोक अदालत 21 अगस्त को होगी आयोजित
फर्रुखाबाद l
मुख्य न्यायाधीश, सर्वोच्च न्यायालय के निर्देश पर सर्वोच्च न्यायालय में लंबित वादों के सुलह-समझौते के माध्यम से निस्तारण हेतु सम्पूर्ण भारतवर्ष में "समाधान समारोह-2026" का शुभारम्भ 21 अप्रैल, 2026 को किया गया है। यह अभियान  21, 22 एवं 23 अगस्त, 2026 को आयोजित विशेष लोक अदालत की बैठक सम्पन्न होगा।
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, फर्रुखाबाद परिसर में माननीय जनपद न्यायाधीश/अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा समाधान समारोह-2026 के सफल क्रियान्वयन हेतु जागरूकता शिविर का उद्घाटन किया गया। जनपद न्यायाधीश द्वारा फीता काटकर कार्यक्रम का शुभारम्भकिया गया। इस कार्यक्रम का संचालन श्रीमती बिंदिया भटनागर सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा किया गया।
समाधान समारोह के अंतर्गत चिन्हित वादों में प्री-सिटिंग वार्ता के माध्यम से पक्षकारों के मध्य सुलह-समझौते के आधार पर अधिकाधिक वादों का निस्तारण सुनिश्चित किया जाना है। इस उद्देश्य की पूर्ति हेतु वादों के चिन्हीकरण, प्री-सिटिंग वार्ताओं के संचालन तथा अधिकाधिक वादों के सुलह-समझौते के माध्यम से निस्तारण के लिए विभिन्न प्री-सिटिंग बैंचों का गठन किया गया है।

कार्यक्रम में न्यायिक अधिकारियों की गरिमामयी उपस्थिति रही, जिनमें अपर जनपद न्यायाधीश अभिनितम उपाध्याय अपर जिला जज प्रथम, शैलेन्द्र सचान विशेष न्यायाधीश डकैती, तरुण कुमार सिंह विशेष न्यायाधीश एससी एसटी, रितिका त्यागी अपर जिला जज पाक्सो, दिपेन्द्र कुमार सिंह विशेष न्यायाधीश ईसी. एक्ट अकिंत कुमार मित्तल अपर जिला जज  संजय कुमार षष्ठम विशेष न्यायाधीश एफ.टी.सी। सहित अन्य न्यायिक अधिकारी एवं कर्मचारीगण उपस्थित रहे।
जनपद न्यायाधीश महोदय ने उपस्थित अधिकारियों एवं कर्मचारियों से समाधान समारोह-2026 को सफल बनाने हेतु समन्वित प्रयास करने तथा अधिकाधिक वादों के सुलह-समझौते के माध्यम से निस्तारण सुनिश्चित करने का आह्वान किया।