वरिष्ठ पत्रकार दिनेश वर्मा का निधन
रितेश मिश्रा
हरदोई: दैनिक जागरण में लंबे समय तक अपनी सेवाएं देने वाले वरिष्ठ पत्रकार दिनेश वर्मा का निधन हो गया। उनके निधन की खबर से पत्रकारिता जगत में शोक की लहर दौड़ गई। बताया जा रहा है कि वे लंबे समय से अस्वस्थ चल रहे थे। कुछ दिन पूर्व उनका आईकान हॉस्पिटल में ऑपरेशन हुआ था। तबीयत बिगड़ने पर उन्हें हरदोई मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया था, जहां उपचार के दौरान उनका निधन हो गया। हरदोई के पत्रकारों व सामाजिक संगठनों और शुभचिंतकों ने उनके निधन पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए श्रद्धांजलि अर्पित की।
राष्ट्रीय लोक अदालत के माध्यम से कुल 1,82,772 मामलों का हुआ निस्तारण:-

रितेश मिश्रा
हरदोई सिविल जज सीनियर डिवीजन/प्रभारी सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण स्मिता गोस्वामी ने बताया कि माननीय जनपद न्यायाधीश/ अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण श्रीमती रीता कौशिक द्वारा
शनिवार को प्रातः 10:30 बजे राष्ट्रीय लोक अदालत का उद्घाटन किया गया। इस अवसर पर   मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण विशम्भर प्रसाद, माननीय प्रधान न्यायाधीश कुटुम्ब न्यायालय श्री महेन्द्र नाथ, अपर जिला जज मनमोहन सिंह, श्री प्रेमेंद्र कुमार,श्रीमती कुसुम लता, नोडल अधिकारी राष्ट्रीय लोक अदालत/अपर जिला जज भूपेन्द्र प्रताप, समस्त न्यायिक अधिकारी, लीगल एड डिफेंस काउंसिल व बैंक अधिकारी उपस्थित रहे।
राष्ट्रीय लोक अदालत में न्यायिक अधिकारियों, अधिवक्ताओ, विभिन्न बैंकों, बीमा कंपनियों के अधिकारियों ने प्रतिभाग किया एवं वादों का निस्तारण कराया।
         सिविल जज सीनियर डिवीजन/प्रभारी सचिव ने बताया कि राष्ट्रीय लोक अदालत के माध्यम से विभिन्न न्यायालयों द्वारा 10735 वादों का निस्तारण किया गया।
       राष्ट्रीय लोक अदालत में उत्तराधिकार प्रकृति के 6 वाद, मोटर दुर्घटना प्रतिकर के 159 वाद, पारिवारिक मामलों के 52 वाद,स्थाई लोक अदालत के 6, फौजदारी के 3921 वाद, जिला प्रशासन द्वारा 6953 वादों का निस्तारण आपसी सुलह समझौते व अभिस्वीकृति के आधार पर किया गया।
मोटर दुर्घटना वादों में 34,62,3000/- रुपये की धनराशि प्रतिकर के रूप में पीड़ित पक्षकारों को दिलवाई  गई। ई-डिस्ट्रिक पोर्टल के माध्यम से जिला प्रशासन के विभागों द्वारा 1,62,143 मामलों का निस्तारण किया गया।
जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की प्रभारी सचिव/सिविल जज सीनियर डिवीजन स्मिता गोस्वामी ने बताया कि लोक अदालत के आयोजन में जनपद न्यायालय परिसर में बैंकों के कैम्प लगाए गए, जिसमें विभिन्न बैंकों ने बैंक ऋण से संबंधित 948 वादों का निस्तारण किया एवं कुल ऋण धनराशि 15,140,5000/- रुपये का समझौता किया गया व भारत संचार निगम द्वारा 5 वादों का तथा यातायात निरीक्षक द्वारा 1988 ई-चालान का निस्तारण  किया गया।
नोडल अधिकारी राष्ट्रीय लोक अदालत/अपर जिला जज भूपेन्द्र प्रताप ने अवगत कराया कि राष्ट्रीय लोक अदालत में कुल 1,82,772 मामलों का निस्तारण किया गया तथा समझौता धनराशि 205,151,303/- रुपये रही।
राष्ट्रीय लोक अदालत को सफल बनाने में समस्त न्यायिक अधिकारियों, बैंक-बीमा कंपनी तथा जिला प्रशासन व अधिवक्ताओ का योगदान रहा।
श्री डाल सिंह मेमोरियल स्कूल में मनाई गई वीर योद्धा महाराणा प्रताप की जयंती
रितेश मिश्रा
हरदोई। मंगली पुरवा फाटक स्थित श्री डाल सिंह मेमोरियल स्कूल में महाराणा प्रताप जयंती का आयोजन किया गया।
ना झुका, ना रुका और ना कभी डरा, धरती पर जन्में उन सपूतों में एक थे वीर शिरोमणि महाराणा प्रताप! आज हम उस महान योद्धा की जयंती मना रहे हैं, जिसने अपने मातृभूमि की जी - जान से रक्षा की। दुश्मनों के आगे कभी नहीं झुके ।
विद्यालय के प्रबंधक मुकेश सिंह, प्रधानाचार्या भूमिका सिंह ,शिक्षकों तथा छात्रों ने महाराणा प्रताप के चित्र पर माल्यार्पण व पुष्प अर्पित किए। जिसमें छात्रों ने उनके जीवन और उनकी वीरता के बारे में जाना। इस आयोजन का उद्देश्य छात्रों को महाराणा प्रताप के जीवन, उनके संघर्ष, अदम्य साहस और मातृभूमि के प्रति उनके समर्पण से अवगत कराना था ।महाराणा प्रताप सिंह ने मुगलों के सामने झुकना स्वीकार नहीं किया , घास की रोटी खाना स्वीकार किया।
विद्यालय प्रबंधक मुकेश सिंह ने कहा कि महाराणा प्रताप एक महान शासक और वीर थे, जिन्होंने मुगल बादशाह अकबर के खिलाफ संघर्ष किया था। उन्होंने छात्रों को महाराणा प्रताप के जीवन से प्रेरणा लेने और उनके आदर्शों को अपनाने के लिए प्रेरित किया।
विद्यालय की प्रधानाचार्या भूमिका सिंह ने बताया कि महाराणा प्रताप के जीवन से हमें सीखना चाहिए कि कैसे अपने लक्ष्य को हासिल करने के लिए संघर्ष करना चाहिए और कभी हार नहीं माननी चाहिए।
छात्रों ने महाराणा प्रताप के जीवन से प्रेरणा लेते हुए कहा,"हम भी उनके जैसा बनना चाहते हैं और अपने देश के लिए कुछ करना चाहते हैं।"
इस अवसर पर विद्यालय की प्रधानाचार्या लक्ष्मी देवी शिक्षिकाएं कोमल यादव, कविता गुप्ता,मंशा वाजपेई ,आरती वर्मा, विनीता त्रिवेदी, सोनम शुक्ला , प्रज्ञा द्विवेदी, सोनी शुक्ला, मीनाक्षी सिंह , ऐश्वर्या सिंह, नीलम, शिवांगी गुप्ता, दिव्यांशी गुप्ता, लवी मिश्रा, पूजा चौहान, मंजूषा यादव, तन्वी, पूजा मिश्रा , राखी गुप्ता, दीपमाला, मानसी मिश्रा शिक्षक रामप्रकाश पाण्डेय, अशोक कुमार गुप्ता, आयुष यादव, संजय कुमार आदि मौजूद रहे।
स्वास्थ्य विभाग की टीम ने ताबड़-तोड़ छापा डालकर अवैध रूप से संचालित कई क्लीनिकों व पैथोलॉजी सेंटर को किया सील, मचा हड़कम्प

रितेश मिश्रा
कछौना(हरदोई):* गर्मी मौसम के मद्देनजर बुखार, डायरिया, दस्त, उल्टी बीमारी तेजी से फैल रही है। बड़ी आबादी, अशिक्षा व प्रशिक्षित डॉक्टरों की कमी के चलते आमजनमानस झोलाछाप डॉक्टर की शरण में जाने को विवश हैं जिसका फायदा ये झोलाछाप डॉक्टर उठाते हैं। गलत इलाज कर मरीज को और बीमार कर रहे हैं जिससे झोलाछाप डॉक्टर, क्लीनिक, पैथोलॉजी धड़ल्ले से चल रहे हैं, जिन्हें स्वास्थ्य विभाग की मौन स्वीकृति मिलती है जिसके कारण कई बार मरीजों के साथ अनहोनी घटनाएं घटती हैं।

बढ़ती घटनाओं के चलते शुक्रवार को स्वास्थ्य विभाग के नोडल अधिकारी डॉ मनोज सिंह ने अपनी टीम के साथ कई क्लीनिक, पैथोलॉजी पर छापा डालकर उन्हें सीज कर विधिक कार्रवाई की है। नोडल अधिकारी डॉ. मनोज सिंह ने कमर कस ली है। टीम ने गाजू रोड पर स्थित मकरंद मेडिकल स्टोर पर गलत तरीके से मरीज का इलाज करते पाया। कोई योग डॉक्टर उपस्थित नहीं था, मरीज को भर्ती कर इलाज किया जा रहा था, जिस पर मेडिकल स्टोर को सील कर कार्रवाई की गई। इसके बाद पैथोलॉजी संचालक अभिराज के द्वारा आवश्यक कागज न दिखाने पर पैथोलॉजी को सील की कार्रवाई की गई। उसके उपरांत डॉक्टर चंद्रा क्लीनिक के संचालक द्वारा मेडिकल काउंसिल का पंजीकरण, मुख्य चिकित्सा अधिकारी द्वारा निर्गत पंजीकरण एवं क्लीनिक में पंजीकृत चिकित्सा उपस्थित न पाए जाने पर सील की कार्रवाई की गई। प्रदीप सोनी क्लीनिक पर अनियमितताओं के चलते सील की कार्रवाई की गई। नारायण हॉस्पिटल में संचालक डॉक्टर देवेंद्र मोहन द्वारा कोई चिकित्सक का मेडिकल काउंसिल का पंजीकरण, बायो वेस्ट मैनेजमेंट प्रमाण पत्र, चिकित्सालय में योग्य डॉक्टरों की कमी पर सील की कार्रवाई की गई। हसमत अली के क्लीनिक को सील कर विधिक कार्रवाई की गई। गाजू रोड स्थित बालाजी पाली क्लीनिक के संचालक द्वारा बिना पंजीकरण व योग्य डॉक्टरों की उपलब्धता न होने पर मरीजों का इलाज करते हुए पाया गया, इस क्लीनिक को भी सील कर कार्रवाई अमल में लाई गई।

डॉ मनोज सिंह नोडल अधिकारी की टीम द्वारा ताबड़तोड़ कार्रवाई से अन्य झोलाछाप डॉक्टर, क्लीनिक, पैथोलॉजी संचालक शटर बंद कर भाग गए। उन्होंने बताया कि यह अभियान आगे भी जारी रहेगा। कछौना कस्बा सहित ग्रामीण क्षेत्र में सैकड़ो की संख्या में पंजीकृत नर्सिंग होम, क्लीनिक, पैथोलॉजी, अल्ट्रासाउंड सेंटर, अस्पताल स्वास्थ्य मानकों को ताक पर रखकर स्वास्थ्य सेवाएं देकर आम जनमानस के साथ खिलवाड़ कर रहे हैं। यहां तक कि गंभीर बीमारी के साथ ऑपरेशन तक करते हैं। मरीज के स्वास्थ्य के साथ खिलवाड़ कर जीवन भर के लिए उन्हें अपंग कर देते हैं जिससे लाइलाज बीमारी तेजी से फैल रही है। जिससे आमजन आर्थिक व शारीरिक रूप से लूटा जाता है। स्वास्थ्य विभाग की इस कार्रवाई से झोलाछाप डॉक्टरों के हौसले पस्त हैं।
पुलिस का ‘वार मोड’ ऑन, परेड ग्राउंड में गरजी खाकी!” दंगाइयों के लिए चेतावनी...
रितेश मिश्रा
हरदोई में कानून व्यवस्था से खिलवाड़ करने वालों को सीधी चेतावनी देने के लिए रिजर्व पुलिस लाइन का परेड ग्राउंड आज शुक्रवार को ‘रणभूमि’ में तब्दील नजर आया। पुलिस अधीक्षक अशोक कुमार मीणा के निर्देशन में हरदोई पुलिस ने दंगा नियंत्रण ड्रिल का ऐसा दमदार प्रदर्शन किया, जिसने साफ संदेश दे दिया कि अब उपद्रवियों की हर चाल का जवाब खाकी के ‘एक्शन मोड’ से मिलेगा। गन की गर्जना, टियर स्मोक और पुलिस की फुर्ती ने माहौल में खौफ और अनुशासन दोनों पैदा कर दिए।

परेड ग्राउंड में जैसे ही एंटी राइट गन दहाड़ी और आंसू गैस के गोले फटे, पूरा मैदान खाकी के शक्ति प्रदर्शन से गूंज उठा। करीब 160 पुलिसकर्मियों ने दंगाइयों से निपटने की आधुनिक रणनीतियों का लाइव प्रदर्शन किया। ड्रिल में यह दिखाया गया कि कैसे हिंसक भीड़ को मिनटों में घेरकर काबू किया जाता है और आगजनी की स्थिति में फायर ब्रिगेड के साथ तालमेल बैठाकर उपद्रवियों के मंसूबे कुचले जाते हैं। हर मूव में पुलिस की आक्रामक तैयारी और तकनीकी दक्षता साफ नजर आई।
अधिकारियों ने साफ कर दिया कि हरदोई में अराजकता फैलाने वालों के लिए अब कोई जगह नहीं है। पुलिस का संदेश बिल्कुल दो टूक था—अगर कानून तोड़ने की कोशिश हुई, तो जवाब इतना सख्त होगा कि दंगाइयों की हिम्मत वहीं टूट जाएगी। यह ड्रिल सिर्फ अभ्यास नहीं, बल्कि हरदोई पुलिस की ‘जीरो टॉलरेंस’ नीति का खुला ऐलान थी।
न्यू सनबीम स्कूल विवाद का हुआ 'सम्मानजनक' अंत; श्रीकृष्ण शास्त्री और विमलेश दीक्षित के हस्तक्षेप से थमा तूफान
रितेश मिश्रा
हरदोई। पिछले कई दिनों से सोशल मीडिया के गलियारों में बारूद की तरह धधक रहा न्यू सनबीम स्कूल प्रकरण अब पूरी तरह शांत हो चुका है। जो विवाद सोशल मीडिया पर एक भयानक 'ज्वाला' का रूप ले चुका था और जिले को जातीय संघर्ष की अंधी खाई में ढकेलने की कगार पर खड़ा था, उसे पूर्व भाजपा जिलाध्यक्ष व व्यापारी नेता अपनी सूझबूझ से जड़ से समाप्त कर दिया है।

प्रकरण की गंभीरता को देखते हुए व्यापारी नेता विमलेश दीक्षित ने जो पहल की, उसे अंजाम तक पहुँचाने का पूर्व जिलाध्यक्ष श्रीकृष्ण शास्त्री  ने उठाया। शास्त्री जी ने अपनी अनुभवी कूटनीति का परिचय देते हुए न केवल वादी और प्रतिवादी, दोनों पक्षों के सम्मान को सुरक्षित रखा, बल्कि उच्चाधिकारियों के साथ समन्वय स्थापित कर इस पूरे विवाद का विधि सम्मत पटाक्षेप कराया।
इस समझौते ने न केवल आपसी कटुता को खत्म किया है, बल्कि उन अराजक तत्वों को भी कड़ा संदेश दिया है जो इस विवाद की आड़ में अपनी रोटियां सेंकना चाहते थे।
आज दोनों पक्षों समझौता करने वालों का आभार व्यक्त किया है। क्योंकि इन्होंने समाज को एक बड़े टकराव से बचाकर एकता की नई मिसाल पेश की है
मलिहाबाद ज्ञापन देने जा रहे प्रदर्शनकारियों को हरदोई पुलिस ने रोका; अतरौली सीमा पर भारी पुलिस बल तैनात--सुनील अर्कवंशी राष्ट्रीय प्रवक्ता

रितेश मिश्रा
हरदोई/अतरौली: मलिहाबाद में ज्ञापन देने की घोषणा के बाद आज हरदोई और लखनऊ की सीमाओं पर भारी गहमागहमी का माहौल रहा। लखनऊ जाने वाले सभी प्रमुख मार्गों पर हरदोई पुलिस ने कड़ा पहरा बिठा दिया है, जिससे क्षेत्र में तनाव की स्थिति बनी हुई है।

अतरौली थाना क्षेत्र के अंतर्गत लखनऊ की ओर जाने वाले सभी रास्तों को पुलिस ने पूरी तरह से सील कर दिया है।
भारी पुलिस बल: स्थानीय सूत्रों के अनुसार, सीमावर्ती इलाकों में भारी पुलिस बल तैनात किया गया है, जो किसी भी वाहन या समूह को आगे बढ़ने से रोक रहा है।
जबरदस्ती का आरोप: प्रदर्शनकारियों और स्थानीय लोगों का आरोप है कि पुलिस बल प्रयोग कर उन्हें वापस भेज रही है। मलिहाबाद जाने की कोशिश कर रहे लोगों को अतरौली पुलिस द्वारा रोक दिया गया है।
अधिकारियों की चुप्पी बनी चर्चा का विषय
सबसे ज्यादा असमंजस की स्थिति तब पैदा हुई जब मौके पर मौजूद पुलिस कर्मियों और अधिकारियों ने इस 'अघोषित पाबंदी' का कारण बताने से इनकार कर दिया। किसी भी वरिष्ठ अधिकारी ने अब तक यह स्पष्ट नहीं किया है कि यह कार्रवाई किस धारा या आदेश के तहत की जा रही है।
"हमें आगे जाने से रोका जा रहा है, लेकिन कोई यह नहीं बता रहा कि क्यों? हम शांतिपूर्ण ढंग से अपना ज्ञापन देने जा रहे थे, लेकिन पुलिस ने हमें अतरौली में ही बंधक जैसी स्थिति में डाल दिया है।" — एक प्रदर्शनकारी
यातायात प्रभावित
इस घेराबंदी के कारण न केवल ज्ञापन देने जा रहे लोग, बल्कि आम राहगीर भी घंटों जाम और चेकिंग में फंसे रहे। पुलिस की इस मुस्तैदी को देखते हुए इलाके में तरह-तरह की चर्चाएं हो रही हैं। प्रशासन की ओर से आधिकारिक बयान का इंतज़ार है ताकि इस प्रतिबंध की सही वजह सामने आ सके।
इस मौके पर हमारे साथ श्री रामसुचित्र अर्कवंशी, पंकज अर्कवंशी,संजय अर्कवंशी, अशोक अर्कवंशी, संदीप अर्कवंशी, शोभित अर्कवंशी,भारी संख्या में लोग मौजूद है
वरदान चैरिटेबल ट्रस्ट की बैठक संपन्न
रितेश मिश्रा
हरदोई। वरदान चैरिटेबल ट्रस्ट की अति महत्वपूर्ण बैठक  स्थानीय गांधी भवन में ट्रस्ट के वरिष्ठ ट्रस्टी डाक्टर ए. पी.सिंह की अध्यक्षता में रजत जयंती वर्ष हेतु प्रथम कार्यक्रम रोजगार मेले हेतु आहूत की गई।
डाक्टर सिंह ने बताया कि  वरदान चैरिटेबल ट्रस्ट ने अपने स्थापना के पच्चीस वर्ष पूरे कर  लिए है, इसलिए ट्रस्ट के सभी सहयोगियों का दायित्व बनता है  कि  रजत जयंती के अवसर पर वर्ष भर में कम से कम चार भव्यता पूर्ण कार्यक्रम आयोजित किये जाएं।
ट्रस्ट के सचिव अतुल कांत द्विवेदी ने बताया कि चार कार्यक्रमों की श्रृंखला में पहला कार्यक्रम रोजगार मेला सेवायोजन के सहयोग से,दूसरा निःशुल्क स्वास्थ्य परीक्षण, तीसरा पुण्यात्मा अमिय कृष्ण चतुर्वेदी की स्मृति में विभिन्न क्षेत्रों में जिन बालिकाओं ने हरदोई का नाम रोशन किया उन्हें सम्मानित किया जाएगा तथा अंतिम कड़ी के रूप में सामूहिक विवाह का कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा।
सचिव  ने बताया कि रोजगार मेले का आयोजन मई माह दिनांक 23 दिन शनिवार को होगा । इस हेतु कई कंपनियों ने रोजगार मेले में आने की सहमति भी जताई है।
रोजगार प्राप्त करने हेतु अभ्यर्थी की आयु सीमा 18 वर्ष से 35 वर्ष के मध्य तथा न्यूनतम शैक्षिक योग्यता हाईस्कूल होनी चाहिए, अभ्यार्थी को अपना पंजीकरण रोजगार संगम पोर्टल पर करना अनिवार्य होगा,उन्हीं अभ्यर्थियों को रोजगार मेले में वरीयता दी जाएगी जिन्होंने पंजीकरण करा लिया है।
उन्होंने यह भी बताया उपरोक्त रोजगार मेला दिनांक 23 मई दिन शनिवार को सेवायोजन कार्यालय में दस बजे से कार्यालय  के वरिष्ठ सहायक मुनेंद्र जी के संयोजन में शुरू होगा। इस अवसर पर ट्रस्ट के प्रबंध न्यासी भुवन चतुर्वेदी वर्चुअल उपस्थित रहकर सभी सहयोगियों को दिशा निर्देश प्रदान किये l
बैठक में ट्रस्टी अविनाश चंद्र गुप्त,करुणा शंकर द्विवेदी, सुयश बाजपेई सहयोगी, श्रवण कुमार राही,के. के. सिंह,मनीष मिश्रा गिरीश मिश्रा, श्रवण दीक्षित, सत्यम मिश्र, अनुराग, अशोक श्रीवास्तव, अनिल श्रीवास्तव, प्रेम शुक्ला, लखनऊ, कंचन बाजपेई, सरिता अग्रवाल ,रूपाली मित्तल आदि मौजूद रहे
वरदान चैरिटेबल ट्रस्ट की बैठक संपन्न
रितेश मिश्रा
हरदोई। वरदान चैरिटेबल ट्रस्ट की अति महत्वपूर्ण बैठक  स्थानीय गांधी भवन में ट्रस्ट के वरिष्ठ ट्रस्टी डाक्टर ए. पी.सिंह की अध्यक्षता में रजत जयंती वर्ष हेतु प्रथम कार्यक्रम रोजगार मेले हेतु आहूत की गई।
डाक्टर सिंह ने बताया कि  वरदान चैरिटेबल ट्रस्ट ने अपने स्थापना के पच्चीस वर्ष पूरे कर  लिए है, इसलिए ट्रस्ट के सभी सहयोगियों का दायित्व बनता है  कि  रजत जयंती के अवसर पर वर्ष भर में कम से कम चार भव्यता पूर्ण कार्यक्रम आयोजित किये जाएं।
ट्रस्ट के सचिव अतुल कांत द्विवेदी ने बताया कि चार कार्यक्रमों की श्रृंखला में पहला कार्यक्रम रोजगार मेला सेवायोजन के सहयोग से,दूसरा निःशुल्क स्वास्थ्य परीक्षण, तीसरा पुण्यात्मा अमिय कृष्ण चतुर्वेदी की स्मृति में विभिन्न क्षेत्रों में जिन बालिकाओं ने हरदोई का नाम रोशन किया उन्हें सम्मानित किया जाएगा तथा अंतिम कड़ी के रूप में सामूहिक विवाह का कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा।
सचिव  ने बताया कि रोजगार मेले का आयोजन मई माह दिनांक 23 दिन शनिवार को होगा । इस हेतु कई कंपनियों ने रोजगार मेले में आने की सहमति भी जताई है।
रोजगार प्राप्त करने हेतु अभ्यर्थी की आयु सीमा 18 वर्ष से 35 वर्ष के मध्य तथा न्यूनतम शैक्षिक योग्यता हाईस्कूल होनी चाहिए, अभ्यार्थी को अपना पंजीकरण रोजगार संगम पोर्टल पर करना अनिवार्य होगा,उन्हीं अभ्यर्थियों को रोजगार मेले में वरीयता दी जाएगी जिन्होंने पंजीकरण करा लिया है।
उन्होंने यह भी बताया उपरोक्त रोजगार मेला दिनांक 23 मई दिन शनिवार को सेवायोजन कार्यालय में दस बजे से कार्यालय  के वरिष्ठ सहायक मुनेंद्र जी के संयोजन में शुरू होगा। इस अवसर पर ट्रस्ट के प्रबंध न्यासी भुवन चतुर्वेदी वर्चुअल उपस्थित रहकर सभी सहयोगियों को दिशा निर्देश प्रदान किये l
बैठक में ट्रस्टी अविनाश चंद्र गुप्त,करुणा शंकर द्विवेदी, सुयश बाजपेई सहयोगी, श्रवण कुमार राही,के. के. सिंह,मनीष मिश्रा गिरीश मिश्रा, श्रवण दीक्षित, सत्यम मिश्र, अनुराग, अशोक श्रीवास्तव, अनिल श्रीवास्तव, प्रेम शुक्ला, लखनऊ, कंचन बाजपेई, सरिता अग्रवाल ,रूपाली मित्तल आदि मौजूद रहे
पति घर से बाहर, दबंगों ने घर में घुसकर महिला को पीटा; जेवर लूटने का आरोप

रितेश मिश्रा
पाली हरदोई/पाली थाना क्षेत्र के बाबरपुर गांव में कानून-व्यवस्था को चुनौती देने वाला मामला सामने आया है। गांव के ही करीब आधा दर्जन दबंगों पर आरोप है कि उन्होंने पड़ोसी महिला को घर में अकेला पाकर उसके साथ मारपीट की और घर में रखे कीमती जेवर लेकर फरार हो गए। घटना के समय महिला का पति घर पर मौजूद नहीं था।पीड़ित परिवार का आरोप है कि दबंग अचानक घर में घुस आए और महिला के साथ गाली-गलौज करते हुए मारपीट शुरू कर दी। विरोध करने पर घर में रखा सामान भी अस्त-व्यस्त कर दिया गया। आरोप है कि इसी दौरान घर में रखे कीमती जेवर भी गायब हो गए। घटना के बाद गांव में हड़कंप मच गया और आसपास के लोग मौके पर पहुंच गए।परिजनों का कहना है कि घटना की सूचना तुरंत पुलिस को दी गई थी, लेकिन पाली पुलिस ने मामले को गंभीरता से नहीं लिया। पीड़ित परिवार का आरोप है कि पुलिस की ढिलाई के कारण आरोपियों के हौसले बुलंद हैं और अब परिवार खुद को असुरक्षित महसूस कर रहा है।वहीं कार्यवाहक थाना प्रभारी इरफ़ान अहमद ने बताया कि मामला बच्चों के विवाद से जुड़ा है। दोनों पक्षों के बीच कहासुनी और विवाद हुआ था, जिसके बाद पुलिस ने दोनों पक्षों का चालान कर आवश्यक कार्रवाई की