नगर निगम चुनाव 2026 : मतगणना की तैयारियां पूर्ण,कल होगी मतगणना

नगर निगम चुनाव 2026 के अंतर्गत कृषि उत्पादन बाजार समिति परिसर में संचालित मतगणना केंद्र का उपायुक्त सह जिला निर्वाचन पदाधिकारी श्री शशि प्रकाश सिंह ने निरीक्षण कर मतगणना की अंतिम तैयारियों का जायजा लिया।

निरीक्षण के दौरान उपायुक्त ने मतगणना स्थल पर सुरक्षा व्यवस्था, प्रवेश नियंत्रण, बैरिकेडिंग, मीडिया सेंटर,सीसीटीवी निगरानी, प्रकाश व्यवस्था, पेयजल, बैठने की व्यवस्था तथा मतगणना कर्मियों हेतु आवश्यक सुविधाओं की समीक्षा की। उन्होंने संबंधित पदाधिकारियों को निर्देश दिया कि मतगणना प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी, निष्पक्ष एवं शांतिपूर्ण वातावरण में संपन्न कराई जाए।

ज्ञात हो कि हजारीबाग नगर निगम के 36 वार्डों में संपन्न निर्वाचन के उपरांत 27 फरवरी को मतगणना निर्धारित है। इसके लिए सभी प्रशासनिक एवं सुरक्षा तैयारियां पूर्ण कर ली गई हैं।

उपायुक्त ने कहा कि मतगणना प्रक्रिया को सुचारू रूप से संचालित करने हेतु पर्याप्त सुरक्षा बल की तैनाती की जाएगी तथा अधिकृत व्यक्तियों को ही मतगणना केंद्र में प्रवेश की अनुमति होगी। मीडिया कर्मी बाजार समिति परिसर में बने मीडिया सेंटर तक ही मोबाइल फोन ले जा सकेंगे। मौके पर उन्होंने मतगणना से जुड़े सभी अधिकारियों एवं कर्मियों को दायित्वों का गंभीरता से निर्वहन करने का निर्देश दिया।

जिला प्रशासन ने नागरिकों से मतगणना के दिन विधि-व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करने की अपील की है।

उपायुक्त ने की राजस्व विभाग की समीक्षात्मक बैठक, लंबित मामलों के शीघ्र निष्पादन के दिए निर्देश

हजारीबाग : समाहरणालय सभागार में गुरुवार को शशि प्रकाश सिंह की अध्यक्षता में राजस्व विभाग का समीक्षात्मक बैठक का आयोजन किया गया। बैठक में पीजी पोर्टल, भू-मापी, म्यूटेशन, दाखिल-खारिज, सो-मोटो म्यूटेशन, ई-रिवेन्यू कोर्ट, आरसीएमएस ऑनलाइन रिपोर्ट, ऑनलाइन लगान, दाखिल खारिज, परिशोधन पोर्टल सहित अन्य संबंधित मामलों की विस्तृत समीक्षा की गई।

उपायुक्त ने जनता दरबार में प्राप्त भू-अर्जन से संबंधित आवेदनों के निष्पादन में तेजी लाने तथा ई-रिवेन्यू कोर्ट में लंबित मामलों का शीघ्र निष्पादन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। उन्होंने सरकार आपके द्वार कार्यक्रम में आए मामलों की जांचोपरांत त्वरित निष्पादन तथा पीजी पोर्टल पर लंबित मामलों के शीघ्र निपटारे पर विशेष बल दिया। भू-मापी से संबंधित शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए उपायुक्त ने 90 दिनों से अधिक लंबित मामलों के शीघ्र समाधान का निर्देश दिया। साथ ही उच्च न्यायालय से संबंधित मामलों के ससमय एवं गुणवत्तापूर्ण निष्पादन पर भी बल दिया गया।

उन्होंने सभी संबंधित पदाधिकारियों को जनता दरबार एवं सरकार आपके द्वार कार्यक्रम में प्राप्त राजस्व एवं भू-अर्जन से जुड़ी शिकायतों का शीघ्र निष्पादन सुनिश्चित करने का निर्देश दिया। म्यूटेशन मामलों में प्रगति बढ़ाने, परिशोधन मामलों को अनावश्यक रूप से लंबित नहीं रखने तथा ई-रिवेन्यू कोर्ट में दायर एवं निष्पादित वादों की गहन समीक्षा कर लंबित मामलों के शीघ्र निपटारे पर जोर दिया गया।

उपायुक्त ने सभी अंचल अधिकारियों को निर्देशित किया कि अंचल कार्यालय में आने वाले भूमि विवाद एवं सेटलमेंट संबंधित मामलों का समयबद्ध निष्पादन सुनिश्चित करें। भूमि हस्तांतरण से संबंधित दस्तावेजों की ऑनलाइन एंट्री कर रिपोर्ट प्रस्तुत करने का भी निर्देश दिया गया। सदर एवं बरही अनुमंडल पदाधिकारियों को सो-मोटो म्यूटेशन, परिशोधन पोर्टल, म्यूटेशन एवं रिजेक्टेड मामलों की साप्ताहिक समीक्षा अनिवार्य रूप से सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया।

बैठक में उपायुक्त के अतिरिक्त सदर अनुमंडल पदाधिकारी, अपर समाहर्ता, सदर एवं बरही डीसीएलआर, सभी अंचल अधिकारी एवं अन्य संबंधित पदाधिकारी उपस्थित थे।

जिला प्रशासन की पहल पर रक्तदान शिविर का आयोजन, 28 यूनिट रक्त संग्रहित

पायुक्त शशि प्रकाश सिंह के निर्देशानुसार गुरुवार को समाहरणालय परिसर में स्वास्थ्य विभाग द्वारा रक्तदान शिविर का सफल आयोजन किया गया। शिविर में उपायुक्त श्री शशि प्रकाश सिंह सहित विभिन्न विभागों के पदाधिकारियों एवं कर्मियों ने उत्साहपूर्वक भाग लेते हुए रक्तदान किया।

आयोजित शिविर में कुल 28 यूनिट रक्त संग्रहित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य जरूरतमंद मरीजों को समय पर रक्त उपलब्ध कराना तथा समाज में रक्तदान के प्रति जागरूकता बढ़ाना था।

इस अवसर पर उपायुक्त ने सभी पदाधिकारियों, कर्मचारियों एवं आम नागरिकों से अपील करते हुए कहा कि रक्तदान एक पुनीत एवं मानवीय कार्य है। उन्होंने कहा कि प्रत्येक स्वस्थ व्यक्ति को नियमित रूप से रक्तदान करना चाहिए, ताकि किसी भी आपात स्थिति में रक्त की कमी न हो।

उन्होंने कहा कि रक्तदान केवल एक दान नहीं, बल्कि जीवन बचाने का संकल्प है। एक यूनिट रक्त किसी जरूरतमंद को नया जीवन दे सकता है। अतः सभी नागरिक इस मानवीय अभियान का हिस्सा बनें और समाज के प्रति अपनी जिम्मेदारी निभाएं।

शिविर के सफल आयोजन में स्वास्थ्य विभाग की टीम एवं संबंधित अधिकारियों का महत्वपूर्ण योगदान रहा। जिला प्रशासन ने सभी रक्तदाताओं के प्रति आभार व्यक्त किया।

समाहरणालय सभाकक्ष में कृषि एवं पशुपालन योजनाओं की समीक्षा बैठक आयोजित

उपायुक्त शशि प्रकाश सिंह के निर्देशानुसार उपविकास आयुक्त श्रीमती रिया सिंह ने बुधवार को समाहरणालय सभाकक्ष में कृषि, पशुपालन एवं गव्य विकास विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं की समीक्षा की।

बैठक में एक्सपेंडिचर संबधी, बिरसा फसल विस्तार योजना, कृषि मेला का अलॉटमेंट एवं व्यय, कृषक प्रयोगशाला, एग्रीक्लीनिक, स्वास्थ्य हेल्थ कार्ड, पीडीएमसी, किसान समृद्धि योजना, मुख्यमंत्री पशुधन विकास योजना, गाय योजना, बर्मी कंपोस्ट, मिल्किंग मशीन सहित अन्य योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की गई।

उपविकास आयुक्त ने बिरसा फसल विस्तार एवं कृषक प्रयोगशाला की फील्ड रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया। गव्य विकास योजना के अंतर्गत अधिक से अधिक आवेदन जेनरेट कराने को कहा। उन्होंने गाय योजना के प्रभावी क्रियान्वयन हेतु व्यापक जागरूकता अभियान चलाकर लाभुकों को योजना से जोड़ने का निर्देश दिया।

पशुपालन पदाधिकारी को बैंक से संबंधित कार्यों के निष्पादन हेतु एलडीएम से समन्वय स्थापित करने का निर्देश दिया गया। उपविकास आयुक्त ने सभी संबंधित पदाधिकारियों को कृषि, पशुपालन एवं गव्य विकास योजनाओं की प्रगति शत-प्रतिशत सुनिश्चित करने का निर्देश दिया।

बैठक में उपविकास आयुक्त के अलावा कृषि पदाधिकारी, पशुपालन पदाधिकारी, गव्य विकास पदाधिकारी, बीटीएम, वेटनरी डॉक्टर सहित अन्य संबंधित कर्मी उपस्थित रहे।

माता शबरी महोत्सव सह शबरी मेला में उमड़ा आस्था का सैलाब, मुन्ना सिंह मुख्य अतिथि के रूप में हुए शामिल

हजारीबाग- बुधवार को मां शबरी सेवा संघ (भुईयां समाज), हजारीबाग द्वारा मोरांगी, नवाटांड में आयोजित माता शबरी महोत्सव सह शबरी मेला श्रद्धा, आस्था एवं सामाजिक एकता के माहौल में संपन्न हुआ। इस पावन अवसर पर पूर्व सदर विधानसभा प्रत्याशी मुन्ना सिंह मुख्य अतिथि के रूप में सम्मिलित हुए। कार्यक्रम में संघ के प्रदेश अध्यक्ष निर्मल राम ने बैच पहनाकर एवं अंगवस्त्र भेंट कर मुन्ना सिंह जी का गर्मजोशी के साथ स्वागत किया। आभार व्यक्त करते हुए मुन्ना सिंह ने कहा कि समाज का यह स्नेह और विश्वास उन्हें निरंतर सामाजिक सेवा के लिए प्रेरित करता है। वही अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि माता शबरी का जीवन अटूट आस्था, समर्पण, सेवा भावना और सामाजिक समरसता का जीवंत उदाहरण है। भगवान राम के प्रति उनकी निष्कलंक भक्ति हमें यह संदेश देती है कि सच्ची श्रद्धा और सेवा से समाज में समानता एवं मानवता की स्थापना संभव है। उन्होंने कहा कि आज आवश्यकता है कि हम माता शबरी के आदर्शों को अपनाते हुए समाज के अंतिम पायदान पर खड़े लोगों तक शिक्षा, सम्मान और विकास की मुख्यधारा पहुंचाने का सामूहिक संकल्प लें। उन्होंने आगे कहा कि इस प्रकार के धार्मिक एवं सामाजिक आयोजन हमारी सांस्कृतिक विरासत को मजबूत करने के साथ-साथ समाज में एकजुटता, भाईचारा और सकारात्मक सामाजिक चेतना को भी बढ़ावा देते हैं। इस गरिमामय अवसर पर संस्थापक रोहित राम, प्रदेश अध्यक्ष निर्मल राम, प्रदेश सचिव प्रमोद राम, प्रदेश कोषाध्यक्ष दिनेश भुईयां, मंदिर निर्माण समिति अध्यक्ष सुदर्शन राम संजय भुईयां सहित अनेक गणमान्य अतिथि, समाज के प्रबुद्धजन, माताएं-बहनें एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे। अंत में मुन्ना सिंह ने सभी आयोजकों, कार्यकर्ताओं एवं उपस्थित श्रद्धालुओं का धन्यवाद ज्ञापित करते हुए समाज को संगठित एवं सशक्त बनाने का आह्वान किया।

विकास की बलि नहीं चढ़ेंगे ग्रामीण, पहले न्याय मिले फिर हो कार्य". -- विधायक रोशन लाल चौधरी

झारखंड विधानसभा के बजट सत्र के दौरान बड़कागांव विधानसभा क्षेत्र के विधायक रोशन लाल चौधरी ने केरेडारी क्षेत्र में संचालित सीसीएल (CCL) की चन्द्रगुप्त कोयला परियोजना से प्रभावित ग्रामीणों की समस्याओं को पुरजोर तरीके से सदन के पटल पर रखा। विधायक ने सरकार को कड़े शब्दों में चेतावनी देते हुए कहा कि विकास के नाम पर ग्रामीणों के संवैधानिक अधिकारों का हनन किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं किया जाएगा।

मुआवजा और पुनर्वास पर गंभीर सवाल सदन को संबोधित करते हुए श्री चौधरी ने कहा कि एक ओर सीसीएल परियोजना शुरू करने की प्रक्रिया को तेज कर रहा है, वहीं दूसरी ओर प्रभावित और विस्थापित गांवों के रैयतों को अब तक उनकी भूमि का न्यायोचित मुआवजा नहीं मिला है। उन्होंने आरोप लगाया कि विस्थापित परिवारों के लिए रोजगार और पुनर्वास की कोई ठोस कार्ययोजना अब तक धरातल पर नहीं उतरी है, जो कि सरासर अन्याय है।

आगे विधायक रोशन लाल चौधरी ने सदन के माध्यम से सरकार से अपनी मांगों को रखते हुए अविलंब पूरा करने का आग्रह किया। जिसमें रैयतों को उनकी भूमि का वर्तमान बाजार दर से चार गुना मुआवजा दिया जाए। R&R नीति के तहत प्रभावित परिवारों का सम्मानजनक पुनर्वास सुनिश्चित हो। प्रभावित क्षेत्र के स्थानीय युवाओं को परियोजना में स्थायी नौकरी दी जाए। पुनर्वास स्थलों पर सड़क, शुद्ध पेयजल, बिजली, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और स्वास्थ्य केंद्रों की तत्काल व्यवस्था हो। उपरोक्त सभी व्यवस्थाएं पूर्ण होने और रैयतों की संतुष्टि के बाद ही खनन कार्य शुरू किया जाए। आगे विधायक रोशन लाल चौधरी ने कहा, "हम विकास के विरोधी नहीं हैं, लेकिन विकास की कीमत किसी गरीब ग्रामीण के आशियाने और उसकी आजीविका को छीनकर नहीं चुकाई जानी चाहिए।" उन्होंने क्षेत्र की जनता को आश्वस्त किया कि वे उनके सम्मान, अधिकार और सुरक्षित भविष्य के लिए सदन से लेकर सड़क तक अपना संघर्ष जारी रखेंगे।

हजारीबाग में 13वें वर्ष निकली श्री श्याम फाल्गुन निशान ध्वज यात्रा, भक्ति में डूबा पूरा शहर

हजारीबाग - श्याम भक्त परिवार हजारीबाग के द्वारा मंगलवार को श्री श्याम फाल्गुन निशान ध्वज यात्रा का भव्य एवं ऐतिहासिक आयोजन श्रद्धा, उत्साह और भक्ति के अद्भुत संगम के साथ संपन्न हुआ मालवीय मार्ग स्थित नवनिर्मित श्याम मंदिर परिसर से आरंभ हुई यह दिव्य शोभायात्रा पूरे शहर में भक्ति की अलख जगाती हुई विभिन्न प्रमुख मार्गों एवं चौक-चौराहों से होकर पुनः मंदिर परिसर पहुंची, जहां आरती एवं प्रसाद वितरण के साथ कार्यक्रम का समापन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ वैदिक मंत्रोच्चार और विधि-विधान से संपन्न पूजा-अर्चना के साथ हुआ। यजमान के रूप में बजरंग खेतान एवं उनकी धर्मपत्नी तथा नरेश वैद्य एवं उनकी धर्मपत्नी ने बाबा श्याम की पूजा-अर्चना कर शहरवासियों की सुख-शांति, समृद्धि और मंगलमय जीवन की कामना की। पूजा के उपरांत जैसे ही निशान ध्वज यात्रा प्रारंभ हुई, पूरा वातावरण हारे का सहारा, बाबा श्याम हमारा और जय श्री श्याम के गगनभेदी नारों से गुंजायमान हो उठा। शोभायात्रा का मुख्य आकर्षण सुसज्जित भव्य रथ रहा, जिस पर प्रभु श्री श्याम की मनोहारी झांकी विराजमान थी। रथ के दर्शन के लिए श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी। रथ के पीछे राधा रानी की आकर्षक प्रस्तुति ने भक्तों को भावविभोर कर दिया। धार्मिक वेशभूषा में सजे कलाकारों ने वातावरण को और अधिक भक्तिमय बना दिया। इस भव्य आयोजन में लगभग 500 से अधिक महिलाएं एवं पुरुष श्रद्धालु शामिल हुए। महिलाएं लाल और पीली साड़ियों में सुसज्जित होकर निशान ध्वज लिए भक्ति-भाव से चल रही थीं, जबकि पुरुष पारंपरिक कुर्ता-पायजामा में अनुशासित पंक्तियों में आगे बढ़ रहे थे। सभी श्रद्धालु एक स्वर में भजन-कीर्तन करते हुए कदम से कदम मिलाकर चल रहे थे, जिससे पूरा शहर श्याम मय हो गया।यात्रा के दौरान धार्मिक झांकियों ने विशेष आकर्षण बटोरा। इस कार्यक्रम में विशेष रूप से एक सज्जन के द्वारा लंगूर के स्वरूप में बच्चों और बड़ों का मनोरंजन करते दिखाई दिए, वहीं अग्रिम पंक्ति में हनुमान स्वरूप धारण किए एक भक्त पूरी श्रद्धा और ऊर्जा के साथ यात्रा का मार्ग प्रशस्त करते नजर आए ढोल-नगाड़ों और भजनों की मधुर धुन पर श्रद्धालु झूमते हुए आगे बढ़ रहे थे। कई स्थानों पर कई समाज एवं सामाजिक संगठनों द्वारा पुष्पवर्षा कर शोभायात्रा का स्वागत किया गया तथा श्रद्धालुओं के लिए जलपान की व्यवस्था की गई। समाजसेवी मुन्ना सिंह भी विशेष रूप से उपस्थित रहे और आयोजन की सराहना की। मंदिर परिसर पहुंचने के उपरांत बाबा श्याम की सामूहिक आरती की गई। आरती के समय उपस्थित श्रद्धालुओं की भीड़ ने एक स्वर में जयकारे लगाए, जिससे वातावरण पूर्णतः भक्तिमय हो उठा। इसके पश्चात प्रसाद वितरण किया गया। आयोजक मंडली ने बताया कि बाबा श्याम की असीम कृपा और आशीर्वाद से यह आयोजन लगातार 13 वें वर्ष सफलतापूर्वक संपन्न हुआ है। उन्होंने प्रत्यक्ष एवं परोक्ष रूप से सहयोग करने वाले सभी श्रद्धालुओं, सामाजिक संगठनों, स्वागतकर्ताओं तथा पर्दे के पीछे रहकर व्यवस्था संभालने वाले कार्यकर्ताओं के साथ महिला सदस्यों के प्रति हृदय से आभार व्यक्त किया तथा भविष्य में भी इसी भव्यता के साथ आयोजन जारी रखने का संकल्प दोहराया।

हज़ारीबाग विधायक प्रदीप प्रसाद ने वर्ष 2026-27 के बजट को बताया दिशाहीन और जनविरोधी

हज़ारीबाग सदर विधानसभा के विधायक प्रदीप प्रसाद ने झारखंड विधानसभा में प्रस्तुत वर्ष 2026-27 के बजट को पूरी तरह निराधार, दिशाहीन और जनविरोधी बताया है। उन्होंने कहा कि यह बजट राज्य की महिलाओं, युवाओं, किसानों एवं आम नागरिकों की अपेक्षाओं पर खरा उतरने में असफल रहा है।

विधायक प्रदीप प्रसाद ने कहा कि सरकार ने कुल ₹1,58,560 करोड़ का बजट प्रस्तुत किया है किंतु इस भारी-भरकम आंकड़े के बावजूद ज़मीनी विकास की स्पष्ट रणनीति नज़र नहीं आती। राजस्व आय को ₹1,36,210.04 करोड़ तथा राजस्व व्यय को ₹1,20,851.90 करोड़ दर्शाया गया है परंतु इन आंकड़ों में आम जनता के जीवन स्तर में ठोस सुधार का कोई रोडमैप नहीं दिखता।

उन्होंने विशेष रूप से कहा कि महिलाओं के सशक्तिकरण के नाम पर केवल योजनागत प्रावधान दिखाए गए हैं, लेकिन रोजगार, सुरक्षा और स्वावलंबन के लिए ठोस एवं नवीन पहल का अभाव है। युवाओं के लिए कौशल विकास और स्थायी रोजगार सृजन की दिशा में कोई स्पष्ट नीति या बड़े निवेश की घोषणा नहीं की गई है। किसानों एवं ग्रामीण अर्थव्यवस्था को सशक्त करने के लिए बजट में अपेक्षित प्राथमिकता नहीं दी गई है। शिक्षा, स्वास्थ्य और शहरी विकास के मद में आवंटन तो दर्शाया गया है, परंतु पिछली योजनाओं के परिणामों की समीक्षा और जवाबदेही का अभाव है।

विधायक प्रदीप प्रसाद ने कहा कि यह बजट केवल आंकड़ों का खेल है, जिसमें पिछले वर्ष की तरह इस बार भी जनता को “छलावा” परोसा गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार ने बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी और आधारभूत संरचना की चुनौतियों पर गंभीरता नहीं दिखाई। उन्होंने कहा कि हज़ारीबाग सहित पूरे झारखंड की जनता एक ऐसे बजट की अपेक्षा करती थी, जो युवाओं को रोजगार, महिलाओं को आत्मनिर्भरता, किसानों को राहत और शहरों को बेहतर आधारभूत सुविधाएँ प्रदान करे। किंतु प्रस्तुत बजट में न तो दूरदृष्टि है और न ही ठोस कार्ययोजना।

विधायक प्रदीप प्रसाद ने सरकार से मांग की कि वह जनभावनाओं का सम्मान करते हुए बजट प्रावधानों की पुनर्समीक्षा करे तथा वास्तविक विकास और पारदर्शिता सुनिश्चित करे।

अबुआ दिशोम बजट 2026-27 जन आकांक्षाओं का दस्तावेज: मुन्ना सिंह

हजारीबाग- वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए पेश किए गए अबुआ दिशोम बजट को लेकर पूर्व सदर विधानसभा प्रत्याशी मुन्ना सिंह ने सरकार की सराहना करते हुए इसे राज्य की जनता की उम्मीदों और आकांक्षाओं का दस्तावेज बताया है। मुन्ना सिंह ने कहा कि यह बजट वास्तव में अबुआ यानी हमारे लोगों के लिए तैयार किया गया है। उन्होंने कहा कि सरकार ने किसानों, महिलाओं और युवाओं को केंद्र में रखकर जो प्रावधान किए हैं, वे झारखंड के समग्र विकास की स्पष्ट रूपरेखा पेश करते हैं। उनके अनुसार, यह बजट केवल आंकड़ों का लेखा-जोखा नहीं, बल्कि राज्य के भविष्य को मजबूत करने की ठोस कार्ययोजना है। उन्होंने विशेष रूप से कृषि, रोजगार सृजन और महिला सशक्तिकरण से जुड़ी योजनाओं की सराहना की। उनका कहना था कि इन क्षेत्रों में निवेश बढ़ाने से न केवल ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी, बल्कि युवाओं को नए अवसर भी प्राप्त होंगे। मुन्ना सिंह जी ने केंद्र सरकार के बजट की तुलना करते हुए कहा कि जहां राष्ट्रीय स्तर पर कई मुद्दों की अनदेखी की गई है, वहीं राज्य सरकार ने स्थानीय जरूरतों और जनता की राय को प्राथमिकता दी है। उन्होंने विश्वास जताया कि आने वाले वित्तीय वर्ष में यह बजट जनहितकारी योजनाओं को धरातल पर उतारने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। उन्होंने आगे कहा कि बजट सरकार और जनता के बीच विश्वास का सेतु बनेगा तथा राज्य के विकास को नई दिशा और गति प्रदान करेगा।

हजारीबाग में सांसद मनीष जायसवाल ने किया मतदान, वोटर लिस्ट में गड़बड़ी पर जताई चिंता

हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के बीजेपी सांसद मनीष जायसवाल ने झारखंड नगर निकाय चुनाव-2026 के दौरान लोकतंत्र के महापर्व में अपनी भागीदारी सुनिश्चित की और सुबह सवा नौ बजे अपने बूथ पर पहुंचकर मतदान किया। सांसद मनीष जायसवाल ने हजारीबाग नगर निगम के वार्ड संख्या 27 स्थित मुनका बगीचा धर्मशाला ( दक्षिणी भाग) में बालिका मध्य विद्यालय, कुम्हारटोली अवस्थित अपने बूथ संख्या 04 पर पहुंचे जहां मतदान से पूर्व की सारी प्रक्रिया पूरी कर लोकतंत्र के महापर्व में अपने मत का उपयोग किया। सांसद मनीष जायसवाल स्काई ब्लू रंग के कुर्ते में बूथ पर पहुंचे। यहां उन्होंने मतदान करने पहुंचे कई लोगों से मिलकर उनका आभार जताया।

मौके पर हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के सांसद मनीष जायसवाल ने झारखंड के सभी जिलों के मतदाताओं से अपील किया अपने-अपने घरों से निकलकर लोकतंत्र के अधिकार का उपयोग करें, वोट जरूर दें और अपने पसंद का नगर की सरकार चुनकर अपने नगर निकायों में सुशासन और विकास युक्त शासन स्थापित करें। यहां मीडिया से रूबरू होते हुए सांसद मनीष जायसवाल ने कहा कि नगर की सरकार का गठन होने जा रहा है। यह हमारे दैनिक जीवन की आधारशिला है। हमारी सुबह की स्वच्छता से लेकर, रात की स्ट्रीट लाइट और घर की नल में आने वाले पेयजल तक सब कुछ इसी नगर निकाय से संचालित होता है। इसलिए नगर के सर्वांगीण विकास और सुशासन के लिए आपका घर से निकलकर बूथ तक पहुँचना अनिवार्य है। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र तभी सशक्त होगा, जब इसके सभी स्तंभ पूरी ईमानदारी और पारदर्शिता के साथ अपनी भूमिका निभाएंगे। सांसद मनीष जायसवाल ने यह भी कहा कि 

आज मतदान के दौरान मैंने एक व्यक्तिगत विडंबना का अनुभव किया। चुनाव आयोग के वोटर लिस्ट प्रबंधन की त्रुटि के कारण आज मेरे ही परिवार का विभाजन हो गया। मेरा संपूर्ण परिवार वार्ड संख्या 28 में है, जबकि मुझे अकेला वार्ड संख्या 27 में डाल दिया गया। यह अत्यंत चिंता का विषय है कि एक ही घर दो अलग-अलग वार्डों में कैसे हो सकता है?

अमूनन मतदान एक पारिवारिक उत्सव होता है जहाँ पूरा परिवार एक साथ वोट देने निकलता है। लेकिन आज जब मैं अकेला वोट देने निकला, तो मन में यह मलाल था कि ऐसा प्रशासनिक बंटवारा उचित नहीं है। यदि एक जन-प्रतिनिधि के साथ ऐसी त्रुटि हो सकती है, तो आम जनमानस को अपने बूथ ढूंढने में कितनी कठिनाई हो रही होगी, इसका अंदाज़ा सहज ही लगाया जा सकता है।

मेरा जिम्मेवार अधिकारियों से यह विनम्र आग्रह है कि भविष्य में वोटर लिस्ट के पुनरीक्षण को और अधिक संजीदगी और सूक्ष्मता से किया जाए, ताकि किसी भी मतदाता को अपने लोकतांत्रिक अधिकार का प्रयोग करने में असुविधा न हो।