बरेली सिटी मजिस्ट्रेट अलंकार अग्निहोत्री निलंबित, माघ मेला विवाद पर दिया इस्तीफा
लंकार अग्निहोत्री ने दावा किया कि डीएम आवास पर लगभग 45 मिनट तक उन्हें बंधक रखा

लखनऊ । प्रदेश सरकार ने बरेली के सिटी मजिस्ट्रेट अलंकार अग्निहोत्री को निलंबित कर दिया है और उन्हें शामली के कलेक्टर ऑफिस से अटैच कर दिया गया है। मामले की जांच मंडलायुक्त बरेली को सौंपी गई है।
इससे पहले, सोमवार को अलंकार अग्निहोत्री ने सिटी मजिस्ट्रेट के पद से इस्तीफा दिया, जो पूरे प्रशासनिक वर्ग और जनता के लिए चौंकाने वाला कदम माना जा रहा है। उनका इस्तीफा 26 जनवरी को आया, जब पूरा देश गणतंत्र दिवस मना रहा था। उन्होंने इस्तीफा प्रयागराज के माघ मेले में शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद और उनके शिष्यों के साथ हुई मारपीट और प्रशासनिक निष्क्रियता के विरोध में दिया।अलंकार अग्निहोत्री ने अपने सात पन्नों के पत्र में लिखा कि अब राज्य और केंद्र सरकार में न तो जनतंत्र है और न ही गणतंत्र, बल्कि केवल भ्रमतंत्र है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि देश में अब देशी सरकार नहीं, बल्कि विदेशी जनता पार्टी की सरकार है।उन्होंने कहा कि माघ मेले में वृद्ध आचार्यों और ब्राह्मण शिष्यों के साथ मारपीट और उनकी शिखा पकड़कर पीटना प्रशासन की ओर से ब्राह्मणों और साधु-संतों के प्रति अनुचित रवैया है। उन्होंने इसे साधु-संतों की अस्मिता का अपमान करार दिया।

सोशल मीडिया पर उनकी तस्वीर वायरल हुई, जिसमें अलंकार अग्निहोत्री यूजीसी बिल और शंकराचार्य पर हुए अपमान के विरोध में पोस्टर लिए खड़े थे। पोस्टर में लिखा था,  काला कानून वापस लो। शंकराचार्य और संतों का अपमान नहीं सहेगा हिंदुस्तान।”अलंकार अग्निहोत्री ने दावा किया कि डीएम आवास पर लगभग 45 मिनट तक उन्हें बंधक रखा गया और लखनऊ से आए एक अधिकारी ने उन्हें अपशब्द कहे। उन्होंने कहा कि जब उन्होंने फोन करके डीएम और एसएसपी को सूचित किया, तभी उन्हें छोड़ दिया गया।कर्मचारी कल्याण सेवा समिति बरेली कॉलेज के अध्यक्ष जितेंद्र मिश्रा ने कहा कि सिटी मजिस्ट्रेट का इस्तीफा दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने कहा कि सरकार को माघ मेला में शंकराचार्य शिष्यों के साथ हुई घटना की गंभीरता समझते हुए अलंकार अग्निहोत्री का इस्तीफा वापस लेना चाहिए। उन्होंने यूजीसी कानून को भी वापस लेने की मांग की और अलंकार का समर्थन किया।
लखनऊ पुलिस मित्र परिवार एवं इस वेलफेयर फाउंडेशन के संयुक्त तत्वाधान में स्वैच्छिक रक्तदान शिविर का किया गया आयोजन
लखनऊ ।  गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर  किंग जॉर्ज मेडिकल कॉलेज में लखनऊ पुलिस मित्र  परिवार एवं ईश वेलफेयर फाउंडेशन के द्वारा स्वैच्छिक रक्तदान सिविर का आयोजन किया गया।  शिविर मे  130 से अधिक समाज सेवियों एवं युवाओं ने सहभागिता की, जिसमें 70रक्तदाताओं व रक्त वीरांगनाओं ने  "एक हाथ तिरंगा एक हाथ रक्तदान" का संकल्प लेते हुए मानवता एवं राष्ट्रहित में  बढ़ चढ़कर रक्तदान किया! 27 रक्तदाता स्वास्थ्य कारणों से रक्तदान करने मे बिफल रहे।

यह शिविर  लखनऊ पुलिस मित्र परिवार के संरक्षक कविंद्र प्रताप सिंह की संरक्षता  एवं  शिविर के आयोजक / संस्थापक  जितेंद्र सिंह, फाउंडर मेम्बर सरिता सिंह, फाउंडर मेंबर/ सेक्टर  वार्डन सिविल डिफेंस-  ज्योति खरे , कवि कुलदीप तिवारी (कलश) फाउंडर मेम्बर नूतन वर्मा,  फाउंडर मेंबर एवं director,(प्रचार जंक्शन) सत्यम पांडेय,  फाउंडर मेंबर   प्रशांत बाजपेई  फाउंडर मेंबर अश्वनी कुमार, फाउंडर मेंबर आशीष सिंह,  प्रशांत तिवारी, पवन सिंह,संजय सिंह, अनुज श्रीवास्तव, एडवोकेट रिचा मिश्रा, बी के सिन्हा सहित बहुत सारे सहयोगियों के अथक प्रयास से सफल बनाया  गया!

रक्तदान शिविर के विशिष्ट अतिथि प्रो प्रो.डॉ. संदीप तिवारी Hod ट्रामा सेंटर  KGMU रहे, जिन्होंने रक्तदाताओं का उत्साह बढ़ाते हुए कहा कि “आज आप केवल रक्त नहीं, बल्कि किसी के जीवन की आशा दान कर रहे हैं। आपका यह निःस्वार्थ कार्य समाज में मानवता और सेवा की भावना को सशक्त बनाता है। इस अवसर पर देश की सेवा मे योगदान देने  वाले  सेवानिवृत्ति सैनिकों  अज़हर सिद्दीकी,  राहुल नयन,उप निरीक्षक उत्तर प्रदेश पुलिस , सत्येंद्र कुमार सिंह, कौशल किशोर सिंह, रंजीत  सिंह को  पुलिस मित्र परिवार द्वारा सम्मानित किया गया।”स्वैच्छिक रक्तदान सिविर के प्रथम रक्तदाता पुस्पेंद्र यादव  और द्वितीय रक्त वीरांगना शशिबाला पांडेय जी रही।

शिविर में रक्तदाता  वी के सिंह,अज़हर सिद्दीकी, पवन सिंह,  बी के सिन्हा,प्रभात कुमार श्रीवास्तव ,मनोज कुमार वर्मा ADC सिविल डिफेंस,शैल वर्मा, अतुल सिंह, मुरली, प्रदीप शर्मा, आशीष सिंह, धीरेंद्र मिश्रा, अविनाश पांडेय,  अनिल कुमार, डॉ सुनील कुमार वर्मा, सुजीत पटेल,सुरेंद्र कुमार, रितेश सिंह, रुचि मिश्रा, advocate रिचा मिश्रा, धीरेंद्र यादव  नीरज मिश्रा,गौरव शाहू, जितेंद्र यादव, सहित बहुत सारे  रक्तदाताओं ने उत्साह पूर्वक रक्तदान किया तथा कैंप को सफल बनाने मे  मेडिकल कालेज ब्लड बैंक टीम का काफी सहयोग रहा ।इस अवसर पर निर्मल एजुकेशन वे० सो० की उपाध्यक्ष रिचा मिश्रा, सहित विभिन्न सामाजिक संगठनो के प्रतिनिधियों एवं  गणमान्या व्यक्तियों की गरिमामयी उपस्थिति रही।
उत्तर प्रदेश पुलिस महानिदेशक ने गणतंत्र दिवस-2026 पर राष्ट्रीय ध्वज फहराया, पुलिसकर्मियों को दिए सम्मान

राजीव कृष्ण ने शहीदों को नमन करते हुए संवैधानिक मूल्यों, नागरिक सुरक्षा और प्रोफेशनल पुलिसिंग पर जोर दिया
18 कर्मियों को वीरता पदक, 68 को सराहनीय सेवा पदक और 470 को प्रशंसा चिन्ह प्रदान किया गया।

लखनऊ। 77वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर उत्तर प्रदेश पुलिस महानिदेशक  राजीव कृष्ण ने तिलक मार्ग स्थित आवास/कैम्प कार्यालय और पुलिस मुख्यालय, गोमती नगर में राष्ट्रीय ध्वज फहराया। उन्होंने प्रदेश के सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को शपथ दिलाई और उत्तर प्रदेश पुलिस परिवार को गणतंत्र दिवस की शुभकामनाएँ दीं।

बलिदान से ही हमारा गणराज्य सुरक्षित

डीजीपी कृष्ण ने अमर राष्ट्र-बलिदानियों और वीर शहीदों को नमन करते हुए कहा कि उनके त्याग और बलिदान से ही हमारा गणराज्य सुरक्षित है। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश पुलिस मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रोफेशनलिज़्म, तत्परता और अपराधों के प्रति ज़ीरो टॉलरेंस दृष्टिकोण के साथ कार्य कर रही है।

पारदर्शिता और नागरिक सम्मान पर जोर दिया

पुलिस महानिदेशक ने संविधान आधारित पुलिसिंग, कानून का शासन, निष्पक्षता, पारदर्शिता और नागरिक सम्मान पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि नागरिक-केंद्रित सेवा, महिला सुरक्षा, मिशन शक्ति और साइबर अपराध पर त्वरित और प्रभावी कार्रवाई पुलिस का प्राथमिक कर्तव्य है।

प्रशिक्षण के महत्व को भी रेखांकित किया

उन्होंने वैज्ञानिक विवेचना, फॉरेंसिक विस्तार और प्रशिक्षण के महत्व को भी रेखांकित किया। 60,000 नव-भर्ती कांस्टेबलों के लिए Hybrid Mode Specialised Training लागू की गई है, जिसमें संवैधानिक आचरण, नागरिक-मित्र व्यवहार, बेसिक लॉ, साइबर जागरूकता और ड्यूटी एथिक्स पर जोर दिया गया है।

पुरस्कार और सम्मान

वीरता पदक: 18 पुलिसकर्मी
राष्ट्रपति का विशिष्ट सेवा पदक: 4 कर्मी
सराहनीय सेवा पदक: 68 कर्मी
उत्कृष्ट सेवा/प्रशंसा चिन्ह: 470 कर्मी

‘उत्कृष्ट सेवा सम्मान चिन्ह’

विनय कुमार सिंह, निरीक्षक, एसटीएफ, यूपी लखनऊ।
महेन्द्र कुमार, मुख्य आरक्षी चालक, आर्थिक अपराध अनुसंधान विभाग, यूपी लखनऊ।
दिलीप कुमार यादव, आरक्षी चालक, विशेष जांच, यूपी लखनऊ।

‘सराहनीय सेवा सम्मान चिन्ह’

संजय कुमार शुक्ला, निरीक्षक, जीआरपी मुख्यालय, यूपी लखनऊ।
नरेन्द्र सिंह, उपनिरीक्षक, जनपद हरदोई।

‘पुलिस महानिदेशक यूपी का प्रशंसा चिन्ह (प्लेटिनम)

अमृता मिश्रा, पुलिस अधीक्षक, स्थापना, मुख्यालय पुलिस महानिदेशक, यूपी लखनऊ।
उमेश देव पाण्डेय, निरीक्षक, अपराध शाखा, मुख्यालय पुलिस महानिदेशक, यूपी लखनऊ।

‘पुलिस महानिदेशक यूपी का प्रशंसा चिन्ह (गोल्ड)

मो. इमरान, पुलिस उप महानिरीक्षक, भवन/कल्याण, यूपी पुलिस मुख्यालय, लखनऊ।
आशुतोष कुमार सिंह, प्रतिसार निरीक्षक, पुलिस कमिश्नरेट, आगरा।
पुष्पेन्द्र नाथ, निरीक्षक, 15वीं वाहिनी पीएसी, आगरा।
अशोक कुमार, निरीक्षक, मुख्यालय पुलिस महानिदेशक, यूपी लखनऊ।
धीरज सिंह, मुख्य आरक्षी, मुख्यालय पुलिस महानिदेशक, यूपी लखनऊ।

‘पुलिस महानिदेशक यूपी का प्रशंसा चिन्ह (सिल्वर)

शिवम मिश्रा, पुलिस उपाधीक्षक, यूपी पुलिस मुख्यालय, लखनऊ।
जावेद खॉं, पुलिस उपाधीक्षक, नियंत्रण कक्ष, मुख्यालय पुलिस महानिदेशक, यूपी लखनऊ।
संतोष कुमार, निरीक्षक, सुरक्षा मुख्यालय, यूपी लखनऊ।
मनीष कुमार, उप निरीक्षक, एएनटीएफ, यूपी लखनऊ।


विशेष बातें

पुलिस महानिदेशक ने संवैधानिक मूल्यों को पुलिसिंग के दैनिक व्यवहार में लागू करने पर बल दिया।
मिशन शक्ति और महिला सुरक्षा के लिए जवाबदेह और मानकीकृत व्यवस्था लागू।
साइबर अपराध रोकथाम और त्वरित कार्रवाई के लिए Trained Cyber Help Desks का सृजन।
फॉरेंसिक जांच में राज्य की प्रगति, UPSIFS द्वारा प्रशिक्षण, शोध और विशेषज्ञता को संस्थागत आधार मिला।
पुलिस वेलफेयर, प्रशिक्षण, मनोबल और स्वास्थ्य पर निरंतर ध्यान देने की आवश्यकता रेखांकित।


वीरता और प्रोफेशनलिज़्म का उत्सव बन गया

77वाँ गणतंत्र दिवस उत्तर प्रदेश पुलिस के लिए संविधान और नागरिक सेवा के प्रति समर्पण, वीरता और प्रोफेशनलिज़्म का उत्सव बन गया। प्रदेश की कानून-व्यवस्था और सुरक्षा व्यवस्था में लगातार उत्कृष्टता बनाए रखने का संकल्प भी इस अवसर पर दोहराया गया।
गणतंत्र दिवस पर सूचना निदेशक विशाल सिंह ने फहराया तिरंगा, संविधान के प्रति निष्ठा का दिलाया संकल्प
लखनऊ।  गणतंत्र दिवस के अवसर पर सूचना निदेशक विशाल सिंह ने सूचना भवन परिसर में राष्ट्रीय ध्वज फहराया और उपस्थित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को संविधान के प्रति निष्ठा एवं कर्तव्यपरायणता की शपथ दिलाई।

इस अवसर पर उन्होंने सूचना भवन परिसर में आयोजित एक प्रदर्शनी का भी उद्घाटन किया, जिसमें विभागीय गतिविधियों तथा विभिन्न सरकारी योजनाओं की जानकारी प्रदर्शित की गई। अपने संबोधन में विशाल सिंह ने कहा कि हम सभी सौभाग्यशाली हैं कि स्वतंत्र देश में जन्म लिया है। उन्होंने स्वतंत्रता सेनानियों के संघर्ष और बलिदान को सदैव स्मरण रखने का आह्वान किया। साथ ही उन्होंने संविधान की प्रस्तावना में निहित मूल भावनाओं को आत्मसात कर अपने कर्तव्यों का ईमानदारी से निर्वहन करने की अपील की।
कार्यक्रम के दौरान देशभक्ति से ओत-प्रोत सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ दी गईं, वहीं उत्साह और उल्लास के प्रतीक रूप में रंग-बिरंगे गुब्बारे आकाश में छोड़े गए।


केजीएमयू में लिवर प्रेशर जांच की नई पहल, गंभीर मरीजों के इलाज में आएगी क्रांति
लखनऊ। किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (केजीएमयू) के मेडिसिन विभाग में पहली बार लिवर प्रेशर (HVPG – हेपेटिक वेनस प्रेशर ग्रेडिएंट) मापने की आधुनिक प्रक्रिया शुरू की गई है। इस अहम मेडिकल परीक्षण के जरिए अब लिवर रोगियों का इलाज केवल लक्षणों के आधार पर नहीं, बल्कि लिवर के वास्तविक प्रेशर को मापकर किया जाएगा।

इस नई तकनीक का लाभ लखनऊ निवासी 40 वर्षीय एक गंभीर लिवर मरीज को मिला है, जो पीलिया, पेट में पानी भरने और खून की उल्टियों जैसी जटिल समस्याओं से पीड़ित था। मरीज को जनरल मेडिसिन विभाग में भर्ती किया गया, जहां डॉ. सुधीर वर्मा की निगरानी में HVPG जांच कर लिवर प्रेशर के अनुसार दवाओं की सटीक डोज तय की गई। इसके बाद मरीज के स्वास्थ्य में तेजी से सुधार देखा गया।

डॉक्टरों के अनुसार, अत्यधिक शराब सेवन के कारण मरीज के लिवर में गंभीर क्षति हुई थी। पहले ऐसे मामलों में इलाज केवल लक्षणों के आधार पर किया जाता था, लेकिन अब लिवर प्रेशर की जांच से उपचार ज्यादा सटीक और प्रभावी होगा।

केजीएमयू में शुरू की गई यह प्रक्रिया गंभीर लिवर रोगियों के लिए मील का पत्थर साबित होगी और भविष्य में लिवर से जुड़ी जटिल बीमारियों के इलाज में बड़ा लाभ देगी।
अलीगंज क्षेत्र में दो दिन बाधित रहेगी पेयजल आपूर्ति, नागरिकों से जल भंडारण की अपील

लखनऊ। अलीगंज क्षेत्र के नागरिकों को आगामी दो दिनों तक पेयजल आपूर्ति में अस्थायी असुविधा का सामना करना पड़ सकता है। नगर निगम के जोन-3 के अंतर्गत सेक्टर-बी, अलीगंज में नवनिर्मित शिरोपरि जलाशय (ओवरहेड टैंक) के अंतः संयोजन (इंटरकनेक्शन) का कार्य 27 जनवरी 2026 एवं 28 जनवरी 2026 को प्रस्तावित है। इस तकनीकी कार्य के चलते जोन-3 के अंतर्गत आने वाले अलीगंज क्षेत्र की पेयजल आपूर्ति प्रभावित रहेगी।

जलकल विभाग के अधिकारियों के अनुसार यह कार्य क्षेत्रवासियों को भविष्य में बेहतर, सुचारू और पर्याप्त दबाव के साथ स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराने के उद्देश्य से किया जा रहा है। शिरोपरि जलाशय के अंतः संयोजन के बाद जल वितरण प्रणाली अधिक प्रभावी होगी तथा जलापूर्ति से जुड़ी समस्याओं में स्थायी सुधार की संभावना है। हालांकि, कार्य के दौरान अस्थायी रूप से जलापूर्ति रोकना तकनीकी रूप से आवश्यक है।

नगर निगम प्रशासन ने सम्मानित नागरिकों से अपील की है कि वे किसी भी प्रकार की असुविधा से बचने के लिए पूर्व से ही पर्याप्त मात्रा में पेयजल का भंडारण कर लें। विशेष रूप से बुजुर्गों, बच्चों, बीमार व्यक्तियों एवं आवश्यक सेवाओं से जुड़े परिवारों को अतिरिक्त सावधानी बरतने का अनुरोध किया गया है।

वैकल्पिक व्यवस्था के रूप में नगर निगम द्वारा पेयजल टैंकरों से जलापूर्ति की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाएगी। आपात स्थिति में जल टैंकर की आवश्यकता होने पर नागरिक अरुण कुमार सिंह (पी.एस.एस.) मोबाइल नंबर 8177054122 अथवा अशुतोष कुमार (अवर अभियंता) मोबाइल नंबर 7052243530 पर संपर्क कर सकते हैं।

लखनऊ मेट्रो में सांस्कृतिक प्रस्तुति के साथ राष्ट्रीय बालिका दिवस का उत्सव

वंचित वर्ग की बालिकाओं के साथ मनाया गया राष्ट्रीय बालिका दिवस

मेट्रो की विशेष यात्रा के दौरान बालिकाओं ने दिया शिक्षा और सशक्तिकरण का संदेश

लखनऊ। राष्ट्रीय बालिका दिवस के अवसर पर उत्तर प्रदेश मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (UPMRC) द्वारा हजरतगंज मेट्रो स्टेशन पर वंचित वर्ग की बालिकाओं के लिए एक विशेष सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य बालिका शिक्षा, अधिकारों और सशक्तिकरण के प्रति समाज में जागरूकता बढ़ाना रहा।

इस अवसर पर लखनऊ मेट्रो के सहयोग से नवचेतना एकेडमी से जुड़ी वंचित वर्ग की बालिकाओं ने स्टेशन परिसर में बालिका शिक्षा विषय पर एक प्रभावशाली नाटक प्रस्तुत किया। इसके साथ ही विभिन्न सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के माध्यम से बालिकाओं ने अपनी प्रतिभा, आत्मविश्वास और सृजनात्मकता का सराहनीय प्रदर्शन किया, जिसे उपस्थित यात्रियों और अधिकारियों ने सराहा।

कार्यक्रम के उपरांत बालिकाओं को विशेष मेट्रो यात्रा कराई गई। पहली बार मेट्रो की भव्यता को नजदीक से देखकर और उसमें सफर कर ये बालिकाएं अत्यंत उत्साहित और रोमांचित नजर आईं। इस पहल से बालिकाओं में सार्वजनिक परिवहन के प्रति जागरूकता और आत्मविश्वास भी देखने को मिला।

उल्लेखनीय है कि राष्ट्रीय बालिका दिवस प्रतिवर्ष 24 जनवरी को मनाया जाता है। इसकी शुरुआत वर्ष 2008 में भारत सरकार द्वारा की गई थी, जिसका उद्देश्य समाज में बालिकाओं के अधिकारों, शिक्षा, स्वास्थ्य और सशक्तिकरण के प्रति जागरूकता बढ़ाना है।

लोक भवन गुजरात में उत्तर प्रदेश स्थापना दिवस का भव्य आयोजन
* मंत्री ए.के. शर्मा ने रेखांकित की उत्तर प्रदेश की विकास यात्रा

* एक भारत–श्रेष्ठ भारत की भावना के अनुरूप पांच राज्यों का संयुक्त आयोजन

लखनऊ। गुजरात स्थित लोक भवन में उत्तर प्रदेश स्थापना दिवस के अवसर पर भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए. के. शर्मा मुख्य रूप से उपस्थित रहे। एक भारत–श्रेष्ठ भारत की भावना को साकार करते हुए इस आयोजन में उत्तर प्रदेश के साथ असम, त्रिपुरा, मणिपुर और मेघालय का स्थापना दिवस भी उत्साहपूर्वक मनाया गया। कार्यक्रम में विभिन्न राज्यों की सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने आपसी सौहार्द और राष्ट्रीय एकता का सुंदर संदेश दिया।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मंत्री श्री ए.के. शर्मा ने उत्तर प्रदेश स्थापना दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश आज सामाजिक, सांस्कृतिक और आर्थिक विकास की नई इबारत लिख रहा है। प्रदेश सरकार के निरंतर प्रयासों से उत्तर प्रदेश ने हर क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति की है और आज देश के अग्रणी राज्यों में अपनी मजबूत पहचान बना चुका है।

मंत्री श्री शर्मा ने कहा कि उत्तर प्रदेश संस्कृति, पर्यटन, शिक्षा, ऊर्जा, स्वास्थ्य, निवेश, उद्योग और सुशासन के क्षेत्र में तेजी से आगे बढ़ रहा है। बेहतर बुनियादी ढांचे, निवेश के अनुकूल वातावरण और पारदर्शी शासन व्यवस्था के चलते राज्य आज न केवल राष्ट्रीय बल्कि वैश्विक मंच पर भी सशक्त उपस्थिति दर्ज करा रहा है।

उन्होंने प्रदेश सरकार की जीरो टॉलरेंस नीति का उल्लेख करते हुए कहा कि अपराध और गुंडागर्दी के खिलाफ सख्त कार्रवाई से कानून व्यवस्था में व्यापक सुधार हुआ है। स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार से आमजन को बेहतर सेवाएं उपलब्ध हो रही हैं। मंत्री श्री शर्मा ने कहा कि कभी “बीमारू राज्य” के रूप में पहचाना जाने वाला उत्तर प्रदेश आज उस छवि को पीछे छोड़ते हुए विकास का मॉडल बन रहा है।

किसान कल्याण को सरकार की प्राथमिकता बताते हुए उन्होंने कहा कि अन्नदाता किसानों की आय दोगुनी करने के संकल्प के साथ सरकार निरंतर कार्य कर रही है। यह परिवर्तन प्रदेश की जनता के सहयोग, विश्वास और सहभागिता से संभव हुआ है।

इस अवसर पर गुजरात के राज्यपाल  आचार्य देवव्रत ने भी उत्तर प्रदेश स्थापना दिवस की शुभकामनाएं दीं और प्रदेश की प्रगति की सराहना की। कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश सहित असम, त्रिपुरा, मणिपुर और मेघालय के अनेक गणमान्य प्रतिनिधि, अधिकारी एवं बड़ी संख्या में आमजन उपस्थित रहे।
उत्तर प्रदेश दिवस पर निबंध एवं चित्रकला प्रतियोगिता का आयोजन

“विकास की ओर बढ़ता कदम” विषय पर विद्यार्थियों ने दिखाई रचनात्मकता

लखनऊ। अंतर्राष्ट्रीय बौद्ध शोध संस्थान, लखनऊ (संस्कृति विभाग, उत्तर प्रदेश) द्वारा उत्तर प्रदेश दिवस के अवसर पर “उत्तर प्रदेश दिवस: विकास की ओर बढ़ता कदम” विषय पर निबंध एवं चित्रकला प्रतियोगिता का आयोजन सरस्वती शिशु मंदिर, तकरोही, इंदिरा नगर, लखनऊ में किया गया।

कार्यक्रम का शुभारंभ माँ सरस्वती की प्रतिमा पर पुष्पांजलि एवं सरस्वती वंदना के साथ हुआ। इस अवसर पर संस्थान के निदेशक डॉ. राकेश सिंह, संस्थान के सदस्य तरुणेश बौद्ध, विद्यालय के प्रधानाचार्य अवधेश, अरुणेश मिश्र, डॉ. धीरेन्द्र सिंह, वेन डॉ. जुलाम्पिटिये पुन्न्यासार सहित शिक्षक-शिक्षिकाएं एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।

अपने संबोधन में संस्थान के निदेशक डॉ. राकेश सिंह ने कहा कि उत्तर प्रदेश दिवस हमारी सांस्कृतिक विरासत और ऐतिहासिक चेतना का उत्सव है। यह प्रदेश संत-परंपरा, शौर्य और सृजनशीलता की भूमि रहा है तथा आज आत्मनिर्भर भारत के संकल्प को साकार करने की दिशा में तेजी से अग्रसर है।

विद्यालय के प्रधानाचार्य अवधेश ने कहा कि उत्तर प्रदेश दिवस हमारी पहचान, आत्मसम्मान और एकता का प्रतीक है। वहीं संस्थान के सदस्य तरुणेश बौद्ध ने प्रदेश को प्रगति, परंपरा और संभावनाओं का सशक्त संगम बताया।

अरुणेश मिश्र ने कहा कि उत्तर प्रदेश दिवस आत्मसम्मान और सामूहिक चेतना का दिन है, जबकि डॉ. धीरेन्द्र सिंह ने प्रदेश को ऋषि-मुनियों, संतों और वीरों की पावन भूमि बताते हुए शिक्षा, संस्कृति और विकास के क्षेत्र में निरंतर प्रगति की बात कही।

प्रतियोगिता के परिणामों की घोषणा करते हुए बताया गया कि चित्रकला प्रतियोगिता में पीहू ने प्रथम, अंजली ने द्वितीय तथा रचना मौर्या ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। इसके अतिरिक्त राजवीर वर्मा, युक्ति वर्मा, जान्हवी, आयुष कुमार एवं प्राची शर्मा को सांत्वना पुरस्कार प्रदान किए गए।

निबंध प्रतियोगिता में आकर्षक वर्मा प्रथम, प्रिय वर्मा द्वितीय एवं आस्था रावत तृतीय स्थान पर रहीं। सांत्वना पुरस्कार आशुतोष शर्मा, स्तुति राजपूत, काव्या मौर्या, संस्कृति द्विवेदी एवं शेखर पटेल को प्रदान किए गए। सभी प्रतिभागियों को स्मृति-चिन्ह एवं सहभागिता प्रमाण पत्र भी दिए गए।

कार्यक्रम के अंत में प्रधानाचार्य अवधेश ने उपस्थित अतिथियों, वक्ताओं, मीडिया कर्मियों, शिक्षक-शिक्षिकाओं एवं छात्र-छात्राओं के प्रति आभार व्यक्त किया।
जात-पात से ऊपर उठकर वंशवादी पार्टियों को करें रिजेक्ट, फिर से कमल खिलाएं: अमित शाह

* उत्तर प्रदेश दिवस समारोह के शुभारंभ पर गृह मंत्री की निर्णायक अपील

* कहा—यूपी के विकास और युवाओं के भविष्य के लिए प्रचंड बहुमत की भाजपा सरकार जरूरी

लखनऊ। देश के केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने शनिवार को राष्ट्र प्रेरणा स्थल पर आयोजित उत्तर प्रदेश दिवस समारोह का दीप प्रज्ज्वलन कर शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने प्रदेश की जनता से भावनात्मक अपील करते हुए कहा कि आगामी चुनाव में जात-पात से ऊपर उठकर वंशवादी पार्टियों को पूरी तरह रिजेक्ट करें और फिर से एक बार भारतीय जनता पार्टी का कमल खिलाएं।

गृह मंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश के विकास, युवाओं के उज्ज्वल भविष्य और देश की सुरक्षा के लिए प्रदेश में एक बार फिर पूर्ण और प्रचंड बहुमत की भाजपा सरकार बनना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि चाहे कांग्रेस हो, समाजवादी पार्टी या बहुजन समाज पार्टी—ये परिवारवादी दल उत्तर प्रदेश का कल्याण नहीं कर सकते।

* लेबर सोर्स स्टेट से इकोनॉमी का फोर्स स्टेट बना उत्तर प्रदेश

अमित शाह ने कहा कि कभी उत्तर प्रदेश को लेबर सोर्स स्टेट कहा जाता था, लेकिन आज यह भारत की इकोनॉमी का फोर्स स्टेट बन चुका है। उत्तर प्रदेश आज देश का फूड बास्केट है। प्रदेश की कृषि विकास दर पिछले तीन वर्षों में 17 प्रतिशत रही है और देश के खाद्यान्न उत्पादन में उत्तर प्रदेश का 20 प्रतिशत योगदान है। गन्ना और एथेनॉल उत्पादन में प्रदेश देश में नंबर एक स्थान पर है।

* मोदी-योगी सरकार ने विकास की संभावनाओं को दिया आकार

गृह मंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने उत्तर प्रदेश की विकास संभावनाओं को तराशकर उन्हें धरातल पर उतारने का कार्य किया है। आज प्रदेश नेशनल हाईवे नेटवर्क से जुड़ चुका है, सबसे अधिक एयरपोर्ट वाला राज्य बन चुका है और डिफेंस कॉरिडोर में ब्रह्मोस मिसाइल का निर्माण हो रहा है। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार ने भ्रष्टाचार पर प्रहार कर कानून-व्यवस्था को चाक-चौबंद किया है और हर गरीब तक सरकारी योजनाएं पहुंचाई हैं। प्रदेश के हर गांव तक न्यूनतम 20 घंटे बिजली पहुंच रही है।

* 2047 तक पूर्ण विकसित प्रदेश बनेगा उत्तर प्रदेश

अमित शाह ने कहा कि विकसित भारत के साथ-साथ विकसित उत्तर प्रदेश का निर्माण किया जा रहा है। जब 15 अगस्त 2047 को देश आज़ादी की शताब्दी मनाएगा, तब उत्तर प्रदेश पूर्ण विकसित प्रदेश बनकर भारत के विकास का इंजन होगा। उत्तर प्रदेश भारत की धड़कन और आत्मा है।

* युग-प्रवर्तकों की पावन भूमि

गृह मंत्री ने कहा कि उत्तर प्रदेश वह भूमि है, जिसे प्रभु श्रीराम, श्रीकृष्ण, बाबा विश्वनाथ, महावीर और भगवान बुद्ध ने पावन किया है। उन्होंने राष्ट्र प्रेरणा स्थल की भव्यता की सराहना करते हुए कहा कि यहां स्थापित डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी, पंडित दीनदयाल उपाध्याय और अटल बिहारी वाजपेयी की प्रतिमाएं आने वाली पीढ़ियों को प्रेरणा देती रहेंगी।

* कूड़े के पहाड़ से प्रेरणा स्थल तक

उन्होंने कहा कि जहां आज राष्ट्र प्रेरणा स्थल खड़ा है, वहां कभी 65 एकड़ में कूड़े का पहाड़ था। भाजपा सरकार ने कूड़े को कंचन में बदलकर इसे पूरे प्रदेश के लिए प्रेरणा का केंद्र बना दिया।

* युवाओं, किसानों और महिलाओं के लिए योजनाएं

गृह मंत्री ने बताया कि हर वर्ष एक लाख युवाओं को पांच लाख रुपये तक का ब्याज-मुक्त व गारंटी-मुक्त ऋण दिया जा रहा है। अब तक 1.30 लाख युवाओं को 5,322 करोड़ रुपये का लाभ मिल चुका है।

प्रदेश में ओडीओपी योजना से कारीगरों, महिलाओं और युवाओं को रोजगार के नए अवसर मिले हैं। 62 लाख गरीबों को पक्का घर मिला है और एक करोड़ से अधिक लोगों को पेंशन का लाभ दिया जा रहा है।

* निवेश, तकनीक और सुरक्षा में ऐतिहासिक प्रगति

अमित शाह ने कहा कि उत्तर प्रदेश को अब तक 45 लाख करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव मिले हैं, जिनमें से 15 लाख करोड़ रुपये की परियोजनाएं धरातल पर उतर चुकी हैं। आईटी निर्यात 82 हजार करोड़ रुपये पार कर चुका है। डाटा सेंटर, सेमीकंडक्टर और इलेक्ट्रॉनिक मैन्युफैक्चरिंग में प्रदेश तेजी से आगे बढ़ रहा है।

कानून-व्यवस्था में सुधार के चलते डकैती में 94 प्रतिशत और लूट में 82 प्रतिशत की कमी आई है।

* उत्तर प्रदेश गौरव सम्मान

समारोह में पांच विशिष्ट व्यक्तित्वों को उत्तर प्रदेश गौरव सम्मान प्रदान किया गया। गृह मंत्री ने डॉ. हरिओम पंवार के साहित्यिक योगदान की विशेष सराहना की। अंत में अमित शाह ने उत्तर प्रदेश स्थापना दिवस के अवसर पर प्रदेशवासियों को शुभकामनाएं देते हुए वंदे मातरम् और भारत माता की जय के उद्घोष के साथ अपना संबोधन समाप्त किया।