देवघर दौरे पर मुख्य चुनाव आयुक्त: बाबा बैद्यनाथ की पूजा से करेंगे शुरुआत, BLOs से संवाद और एम्स का भी करेंगे निरीक्षण।

देवघर: भारत के मुख्य चुनाव आयुक्त (CEC) श्री ज्ञानेश कुमार आज से अपने दो दिवसीय झारखंड प्रवास पर देवघर पहुँच रहे हैं। उनके आगमन को लेकर देवघर और दुमका जिला प्रशासन ने सुरक्षा व प्रशासनिक तैयारियाँ पूरी कर ली हैं। ज्ञानेश कुमार रविवार दोपहर 12:50 बजे दिल्ली से देवघर एयरपोर्ट पहुँचेंगे।

आज का कार्यक्रम: आस्था और निरीक्षण देवघर पहुँचते ही मुख्य चुनाव आयुक्त सीधे बाबा बैद्यनाथ मंदिर प्रस्थान करेंगे, जहाँ वे द्वादश ज्योतिर्लिंग की विधिवत पूजा-अर्चना करेंगे। इसके पश्चात वे प्रख्यात नौलखा मंदिर में दर्शन करेंगे। धार्मिक कार्यक्रमों के बाद CEC एम्स (AIIMS) देवघर का निरीक्षण करेंगे और वहाँ के अधिकारियों के साथ बैठक करेंगे। संध्या बेला में वे पुनः बाबा मंदिर पहुँचकर भव्य श्रृंगार पूजा में सम्मिलित होंगे।

कल का कार्यक्रम: बासुकीनाथ दर्शन और BLO संवाद सोमवार की सुबह 8:30 बजे मुख्य चुनाव आयुक्त बासुकीनाथ धाम (दुमका) के लिए रवाना होंगे। बाबा फौजदारीनाथ के दर्शन के बाद वे दुमका फॉरेस्ट गेस्ट हाउस पहुँचेंगे। देवघर वापसी के उपरांत वे तपोवन स्थित मोहनानंद प्लस टू विद्यालय में आयोजित कार्यक्रम में हिस्सा लेंगे, जहाँ वे बीएलओ (बूथ लेवल ऑफिसर) के साथ सीधा संवाद करेंगे। कार्यक्रम के अंत में वे मीडिया को भी संबोधित करेंगे।

प्रशासनिक मुस्तैदी CEC के दौरे को देखते हुए देवघर उपायुक्त नमन प्रियेश लकड़ा और अनुमंडल पदाधिकारी रवि कुमार ने स्वयं तपोवन पहाड़ और मंदिर परिसर का निरीक्षण किया है। सुरक्षा व्यवस्था में किसी भी तरह की चूक न हो, इसके लिए चप्पे-चप्पे पर सुरक्षा बलों की तैनाती की गई है।

पतरातू: PVUNL में 'गर्ल्स एम्पावरमेंट मिशन' का भव्य समापन, बालिकाओं के हुनर ने जीता सबका दिल।

पतरातू: पतरातू विद्युत उत्पादन निगम लिमिटेड (PVUNL) की ओर से बालिकाओं के सर्वांगीण विकास के लिए संचालित 'गर्ल्स एम्पावरमेंट मिशन' (GEM) के सात दिवसीय विंटर वर्कशॉप का आज रंगारंग समापन हुआ। पीवीयूएनएल टाउनशिप में आयोजित इस समारोह में न केवल बालिकाओं की प्रतिभा निखर कर सामने आई, बल्कि उनके आत्मविश्वास ने उपस्थित दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।

प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन एक सप्ताह तक चली इस कार्यशाला में बालिकाओं ने कई महत्वपूर्ण कौशल सीखे। समापन समारोह के दौरान उन्होंने आत्मरक्षा (Self-Defense) के गुर, विज्ञान के रोचक प्रयोगों और विभिन्न सांस्कृतिक गतिविधियों का सजीव प्रदर्शन किया। बालिकाओं द्वारा प्रस्तुत कार्यक्रमों में शिक्षा और सशक्तिकरण का संदेश साफ झलक रहा था।

मुख्य अतिथि का संदेश समारोह का शुभारंभ पीवीयूएनएल के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) श्री ए. के. सहगल और स्वर्णरेखा महिला समिति की अध्यक्ष श्रीमती रेणु सहगल ने दीप प्रज्ज्वलित कर किया। अपने संबोधन में श्री सहगल ने कहा कि बेटियां समाज का आधार हैं और उनकी शिक्षा व विकास ही देश की असली प्रगति है। उन्होंने अभिभावकों से अपील की कि वे अपनी बेटियों के सपनों को पंख दें। वहीं, श्रीमती रेणु सहगल ने कार्यशाला की उपलब्धियों को साझा करते हुए बालिकाओं की प्रगति की सराहना की।

सामुदायिक सहभागिता कार्यक्रम में पीवीयूएनएल प्रबंधन के वरिष्ठ अधिकारी, लेडीज़ क्लब की सदस्याएं और बड़ी संख्या में बालिकाओं के परिजन मौजूद रहे। सभी ने पीवीयूएनएल की इस पहल को बालिका सशक्तिकरण की दिशा में एक मील का पत्थर बताया।

रांची को मिलेगा नया टूरिस्ट डेस्टिनेशन: सीएम हेमंत सोरेन ने धुर्वा डैम का किया निरीक्षण, पर्यटन विकास के लिए दिए निर्देश।

रांची: नए साल के आगाज पर मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन आज एक अलग अंदाज में नजर आए। मुख्यमंत्री ने रांची शहर का भ्रमण करते हुए धुर्वा डैम और अन्य पिकनिक स्पॉट का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने न केवल क्षेत्र की भौगोलिक स्थिति का जायजा लिया, बल्कि रांची की प्राकृतिक सुंदरता और हरियाली के बीच चाय की चुस्की लेते हुए आम जनजीवन का अनुभव भी किया।

पर्यटन विकास और रोजगार पर जोर धुर्वा डैम के निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए कि इस क्षेत्र को एक व्यवस्थित पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित करने के लिए ठोस कार्ययोजना (Action Plan) तैयार की जाए। उन्होंने कहा, "धुर्वा डैम रांची का एक महत्वपूर्ण जल स्रोत तो है ही, साथ ही यहां पर्यटन की अपार संभावनाएं हैं। इसे विकसित करने से स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।"

जनसंवाद और सुरक्षा की समीक्षा भ्रमण के दौरान श्री सोरेन ने वहां मौजूद स्थानीय दुकानदारों और नागरिकों से बातचीत की। उन्होंने उनकी समस्याओं को सुना और विकास कार्यों में जनसहभागिता सुनिश्चित करने का आश्वासन दिया। मुख्यमंत्री ने सुरक्षा व्यवस्था की भी समीक्षा की ताकि पिकनिक मनाने आने वाले पर्यटकों को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो।

ज्यूडिशियल अकादमी का निरीक्षण धुर्वा डैम के बाद मुख्यमंत्री ने ज्यूडिशियल अकादमी, झारखंड का भी दौरा किया। उन्होंने अकादमी की अधोसंरचना (Infrastructure) और वहां चल रही प्रशिक्षण व्यवस्थाओं की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की और अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

इस भ्रमण के दौरान मुख्य सचिव श्री अविनाश कुमार, पर्यटन सचिव श्री मनोज कुमार, रांची जिला प्रशासन के वरीय पदाधिकारी और पर्यटन विभाग के प्रतिनिधि मुख्य रूप से मौजूद थे।

नववर्ष अभिनंदन: मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन से मिले सुप्रियो भट्टाचार्य, सीएम ने दी भविष्य की सफलता के लिए शुभकामनाएं।

रांची: नए साल के आगमन पर मुख्यमंत्री आवासीय कार्यालय में शुभकामनाओं और शिष्टाचार भेंट का सिलसिला जारी है। आज कांके रोड स्थित मुख्यमंत्री आवास पर झारखंड मुक्ति मोर्चा (जेएमएम) के वरिष्ठ नेता श्री सुप्रियो भट्टाचार्य और झारखंड लोक सेवा आयोग (जेपीएससी) की सदस्य डॉ. अजिता भट्टाचार्य ने मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन से शिष्टाचार मुलाकात की।

भविष्य की सफलता के लिए मंगलकामना मुलाकात के दौरान दोनों ही गणमान्य व्यक्तियों ने मुख्यमंत्री को पुष्पगुच्छ भेंट कर नववर्ष-2026 की हार्दिक शुभकामनाएं एवं बधाई दी। मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने भी गर्मजोशी के साथ उनका स्वागत किया और उन्हें नए साल की बधाई देते हुए उनके कार्यों में सफलता एवं निरंतर प्रगति की मंगलकामना की।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने विश्वास जताया कि नए साल में सभी लोग पूरी निष्ठा और ऊर्जा के साथ राज्य के विकास और लोक सेवा के कार्यों में अपना योगदान देंगे।

रांची: सीएम आवास पर नववर्ष का उल्लास, मंत्रियों और मुख्य सचेतक ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को दी बधाई।

रांची: नववर्ष 2026 के स्वागत के उपलक्ष्य में मुख्यमंत्री आवासीय कार्यालय, कांके रोड में आज वरिष्ठ राजनीतिक हस्तियों का आगमन हुआ। राज्य के मंत्रियों और सत्तारूढ़ दल के वरिष्ठ नेताओं ने मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन से शिष्टाचार भेंट कर उन्हें नए साल की शुभकामनाएं दीं।

प्रमुख नेताओं की उपस्थिति मुख्यमंत्री से मुलाकात करने वालों में प्रमुख रूप से शामिल थे:

श्री चमरा लिंडा: माननीय मंत्री, झारखंड सरकार।

श्री हाफिजूल हसन: माननीय मंत्री, झारखंड सरकार।

श्री मथुरा प्रसाद महतो: सत्तारूढ़ दल के मुख्य सचेतक।

राज्य की समृद्धि के लिए मंगलकामना मुलाकात के दौरान मुख्यमंत्री ने सभी नेताओं का आभार व्यक्त किया और उन्हें भी नववर्ष की हार्दिक बधाई दी। इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने राज्य वासियों के सुख, समृद्धि और निरंतर विकास की कामना की। उन्होंने विश्वास जताया कि नया साल झारखंड को प्रगति की नई ऊंचाइयों पर ले जाएगा और राज्य में शांति व सौहार्द का वातावरण बना रहेगा।

यह भेंट पूरी तरह शिष्टाचार और शुभकामनाओं पर केंद्रित रही, जिसमें नए साल में जनसेवा के संकल्प को दोहराया गया।

रांची पुलिस की बड़ी फजीहत: ओरमांझी के बाद अब नामकुम में 'नशेड़ी' चूहों का आतंक, खा गए डोडा का सबूत और आरोपी हुए बरी।

रांची: राजधानी रांची में मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ पुलिसिया अभियान को गहरा झटका लगा है। नामकुम थाना क्षेत्र में पुलिस की बड़ी लापरवाही के चलते अदालत ने डोडा तस्करी के दो आरोपियों को सबूतों के अभाव में बरी कर दिया। चौंकाने वाली बात यह है कि पुलिस ने अदालत में तर्क दिया कि जब्त किए गए डोडा चूर्ण के सैंपल चूहों ने कुतर दिए और खुले आसमान में रखे होने के कारण माल खराब हो गया।

क्या था 2019 का मामला? 31 मई 2019 को नामकुम पुलिस ने कोलाड गांव के पास छापेमारी कर कार्तिक महतो और चुरू लोहरा को गिरफ्तार किया था। पुलिस ने दावा किया था कि उनके पास से 45 बोरियों में भरा लगभग 836 किलो डोडा, एक पिकअप वैन और दो मोटरसाइकिलें जब्त की गई थीं। इसके बाद एनडीपीएस (NDPS) एक्ट के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू हुई थी।

अदालत में क्यों फेल हुई पुलिस? अदालत ने सुनवाई के दौरान पुलिस की जांच प्रक्रिया में कई गंभीर खामियां और विरोधाभास पाए, जिसके कारण आरोपियों को संदेह का लाभ मिला:

चूहों का 'हमला': पुलिस ने अदालत में बताया कि FSL जांच के लिए रखे गए प्लास्टिक बॉक्स चूहों ने कुतर दिए। चार में से केवल एक ही बॉक्स सील बचा था, बाकी चूहों की भेंट चढ़ गए।

बयानों में भारी विरोधाभास: जब्ती को लेकर गवाहों के बयान अलग-अलग थे। किसी ने कुल वजन 200 किलो बताया, तो किसी ने 15 किलो प्रति बोरा। वहीं जांच अधिकारी (IO) ने इसे 836 किलो बताया।

नियमों की अनदेखी: एनडीपीएस एक्ट की धारा 42 के तहत गुप्त सूचना की जानकारी वरीय अधिकारियों को लिखित में देना अनिवार्य है, लेकिन पुलिस ने ऐसा नहीं किया।

कागजी खानापूर्ति में चूक: जब्ती सूची सुबह 4 बजे बनी, जबकि गिरफ्तारी मेमो सुबह 8:30 बजे का दिखाया गया, जिसने पुलिस की पूरी कहानी को संदेहास्पद बना दिया।

कोई स्वतंत्र गवाह नहीं: पुलिस ने इस बड़ी कार्रवाई में किसी भी स्थानीय या स्वतंत्र गवाह को शामिल नहीं किया था।

अदालत का फैसला मामले की गंभीरता को देखते हुए अदालत ने कहा कि अभियोजन पक्ष बुनियादी तथ्यों को सिद्ध करने में विफल रहा है। साक्ष्यों के अभाव और जांच में भारी लापरवाही को देखते हुए 16 अक्टूबर 2025 को अदालत ने दोनों आरोपियों को रिहा करने का आदेश दिया।

रांची में जलाशयों पर 'सर्जिकल स्ट्राइक': हाई कोर्ट के आदेश के बाद एक्शन में DC, धुर्वा डैम का किया स्थलीय निरीक्षण

रांची: झारखंड उच्च न्यायालय के सख्त रुख के बाद रांची जिला प्रशासन जलाशयों और नदियों को अतिक्रमण मुक्त करने के लिए मिशन मोड में आ गया है। इसी क्रम में आज उपायुक्त-सह-जिला दंडाधिकारी श्री मंजूनाथ भजन्त्री ने खुद हटिया जलाशय (धुर्वा डैम) के आस-पास के क्षेत्रों का सघन स्थलीय निरीक्षण किया और अवैध कब्जों को लेकर अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए।

राजस्व नक्शे से होगी सीमाओं की पहचान निरीक्षण के दौरान उपायुक्त ने स्पष्ट किया कि जलाशयों की मूल सीमा का निर्धारण राजस्व नक्शे (Revenue Map) के आधार पर किया जाए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि सीमाओं को चिह्नित कर किसी भी प्रकार के अवैध निर्माण या कब्जे को तत्काल हटाया जाए। DC ने जोर देकर कहा कि अतिक्रमण से न केवल जल भंडारण क्षमता घटती है, बल्कि शहर के पर्यावरण और भूजल स्तर पर भी बुरा प्रभाव पड़ता है।

रोस्टर बनाकर चलेगा अभियान: दोबारा कब्जा हुआ तो खैर नहीं उपायुक्त ने अपर समाहर्ता को निर्देश दिया कि सभी अंचल अधिकारियों (CO) के लिए एक विशेष रोस्टर तैयार करें ताकि नियमित रूप से निरीक्षण और अतिक्रमण हटाओ अभियान चलाया जा सके। उन्होंने चेतावनी दी कि अतिक्रमण हटाने के बाद यदि दोबारा कब्जा होता है, तो संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय की जाएगी। जिला प्रशासन का लक्ष्य कांके डैम, हटिया डैम, गेतलसूद, हरमू और हिनू नदी समेत सभी तालाबों का संरक्षण एवं सौंदर्यीकरण करना है।

आम जनता से अपील और प्रशासन की चेतावनी उपायुक्त श्री भजन्त्री ने नागरिकों से अपील की है कि वे जलाशयों के पास अतिक्रमण न करें और जल संरक्षण में सहयोग दें। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि माननीय उच्च न्यायालय के आदेशों का अक्षरशः पालन किया जाएगा और इस कार्य में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

रांची में जजों का 'स्लैम': अखिल भारतीय न्यायाधीश बैडमिंटन टूर्नामेंट का भव्य आगाज, 9 राज्यों के 31 जज दिखा रहे खेल कौशल।

रांची: झारखंड उच्च न्यायालय के तत्वावधान में आयोजित 2nd All India Judges Badminton Tournament 2026 का आज राजधानी रांची के खेलगांव में विधिवत शुभारंभ हुआ। मुख्य अतिथि झारखंड उच्च न्यायालय के माननीय मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति श्री तरलोक सिंह चौहान ने न्यायमूर्ति श्री रोंगोन मुखोपाध्याय, न्यायमूर्ति श्रीमती अनुभा रावत चौधरी और भारतीय महिला हॉकी टीम की स्टार खिलाड़ी निक्की प्रधान के साथ दीप प्रज्ज्वलित कर प्रतियोगिता का उद्घाटन किया।

स्वास्थ्य और अनुशासन का संदेश उद्घाटन समारोह को संबोधित करते हुए मुख्य न्यायाधीश ने खेलों के महत्व पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि खेल न केवल शारीरिक स्वास्थ्य के लिए जरूरी हैं, बल्कि यह अनुशासन और टीम भावना को भी मजबूती प्रदान करते हैं। ऐसे आयोजन न्यायपालिका के सदस्यों को स्वस्थ जीवनशैली अपनाने और सकारात्मक ऊर्जा के साथ कार्य करने की प्रेरणा देते हैं।

9 राज्यों के माननीय न्यायाधीश ले रहे हिस्सा 03 और 04 जनवरी को चलने वाली इस प्रतिष्ठित प्रतियोगिता में झारखंड सहित इलाहाबाद, मद्रास, तेलंगाना, बॉम्बे, ओडिशा, राजस्थान, केरल और कर्नाटक उच्च न्यायालयों के कुल 31 माननीय न्यायाधीश अपने खेल कौशल का प्रदर्शन कर रहे हैं। मुकाबले चार श्रेणियों— मेन सिंगल्स, मेन डबल्स, वूमेन सिंगल्स और मिक्स्ड डबल्स में खेले जा रहे हैं।

प्रशासनिक व्यवस्था की सराहना: उपायुक्त सम्मानित ठाकुर विश्वनाथ शहदेव इंडोर स्टेडियम में आयोजित इस राष्ट्रीय स्तर के टूर्नामेंट के लिए जिला प्रशासन द्वारा किए गए सुरक्षा, चिकित्सा और बुनियादी सुविधाओं के प्रबंधन की सराहना की गई। बेहतर समन्वय और कुशल प्रशासनिक व्यवस्था के लिए न्यायमूर्ति श्री रोंगोन मुखोपाध्याय ने उपायुक्त-सह-जिला दंडाधिकारी रांची, श्री मंजूनाथ भजन्त्री को सम्मानित किया।

खेलगांव में अंतरराष्ट्रीय मानक की सुविधाएं टूर्नामेंट के सफल संचालन के लिए खेलगांव परिसर में अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप बैडमिंटन कोर्ट और खिलाड़ियों के लिए विशेष विश्राम स्थल तैयार किए गए हैं।

2026 के स्वागत में शराब की बंपर बिक्री, रांची में भी टूटा रिकॉर्ड… नॉन वेज और डेयरी प्रोडक्ट की भी रही डिमांड

वर्ष 2025 की विदाई और नए वर्ष 2026 की शुरुआत को यादगार बनाने के लिए झारखंड के लोगों ने उत्साह में लगभग 65 करोड़ रुपये की शराब का उपभोग किया. नए साल के स्वागत को लेकर 30 दिसंबर 2025 से 1 जनवरी 2026 के बीच राज्यभर में लगभग 65 करोड़ रुपये से अधिक की शराब की बिक्री हुई है.

पिछले वर्ष की तुलना में इस वर्ष नए साल के स्वागत की अवधि के दौरान 65 करोड़ रुपये की शराब की बिक्री को बंपर और रिकॉर्ड बिक्री माना जा रहा है. सर्वाधिक शराब की बिक्री 31 दिसंबर को हुई, जब लगभग 30 करोड़ रुपये से अधिक की शराब बिकने का अनुमान है. वहीं 1 जनवरी को 18 से 20 करोड़ रुपये की शराब बिक्री का अनुमान लगाया गया है

इसके अलावा केवल राजधानी रांची में नए वर्ष के उत्साह के दौरान 30 दिसंबर से 1 जनवरी के बीच लगभग 10 करोड़ रुपये की शराब की बिक्री हुई है. झारखंड सरकार के उत्पाद एवं मद्य निषेध विभाग द्वारा आधिकारिक आंकड़े आने के बाद ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि कुल कितने करोड़ रुपये की शराब की बिक्री हुई है.

हालांकि, झारखंड शराब व्यापारी संघ से जुड़े पदाधिकारियों के अनुसार, नए वर्ष के उत्सव के दौरान तीन दिनों में राज्य में 65 से 70 करोड़ रुपये की शराब की बिक्री होने का अनुमान है.

इसके साथ ही यह भी बताया जा रहा है कि नए साल के जश्न के दौरान राजधानी रांची में नॉनवेज प्रेमियों ने जमकर मटन, चिकन और मछली का लुत्फ उठाया. आंकड़ों के अनुसार, नए साल के मौके पर राजधानी में 100 क्विंटल से अधिक चिकन और 15 से 18 हजार किलोग्राम मटन की बिक्री हुई.

वहीं नए साल के स्वागत और जश्न में शाकाहारी भोजन के शौकीन लोग भी पीछे नहीं रहे. राजधानी में निजी खटालों और पैक्ड दूध स्टोर्स से प्राप्त आंकड़ों के अनुसार लगभग 1 से 1.10 लाख लीटर दूध की मांग रही. इसके अलावा 3 हजार किलोग्राम से अधिक पनीर की खपत हुई. साथ ही दूध से बने अन्य उत्पाद जैसे दही और पेड़े की भी जबरदस्त मांग देखने को मिली.

नए वर्ष के उत्साह के दौरान प्रशासन की सुरक्षा व्यवस्था भी दुरुस्त रही. ड्रिंक एंड ड्राइव को लेकर सभी प्रमुख सड़कों पर वाहन जांच अभियान चलाया गया और पकड़े जाने पर जुर्माना लगाया गया. इसके साथ ही सभी पिकनिक स्पॉट, डैम, पार्क और वॉटरफॉल्स पर भी सुरक्षा की दृष्टि से प्रशासन द्वारा जांच अभियान चलाया गया. नशीले पदार्थों का सेवन करने वालों और हुड़दंगियों पर सख्ती बरती गई.

साहिबगंज में दर्दनाक हादसा, दो वाहनों की भिड़ंत में 4 की मौत

साहिबगंज: ऑटो और टैंकर की भिड़ंत में 4 लोगों की मौत हो गई. जबकि 5 लोग गंभीर रूप से जख्मी हो गए हैं. हादसा बरहेट-बरहड़वा मुख्य पथ पर छोटा रांगा डांड़ पुल मोड़ के पास हुआ है. घायलों को विभिन्न अस्पतालों में भर्ती कराया गया है. मरने वालों की संख्या बढ़ने की आशंका है.

बता दें कि बरहेट-बरहड़वा मुख्य पथ पर छोटा रांगा डांड़ पुल मोड़ ऑटो और तेल टेंकर में भिड़ंत होने से यह हादसा हुआ है. ऑटो यात्री को लेकर बरहेट से बरहड़वा की तरफ जा रहा था. तेज रफ्तार से आ रहे तेल टैंकर से आमने सामने भीषण टक्कर हो गई. इस दुर्घटना में 4 लोगों की अब तक मौत हो चुकी है. 5 जख्मी हैं. सभी का इलाज इलाज अलग-अलग जगहों पर चल रहा है.

मृतकों में रांगा थाना क्षेत्र के बड़ा रांगा गांव का 40 वर्षीय समरा साह, घटियारी की 30 वर्षीय रंदनी सोरेन, डाहूजोर की छह वर्षीय शांति हेम्ब्रम और ऑटो चालक बरहड़वा थाना क्षेत्र का बिशनपुर निवासी 34 वर्षीय अमल दत्ता शामिल है. वहीं घायलों में डाहूजोर निवासी 8 वर्षीय सगुन हांसदा और 8 वर्षीय नेहा मुर्मू, बड़ा रांगा निवासी 35 वर्षीय भोला साहा, अठगावां निवासी तालामय हेम्ब्रम और आठ वर्षीय बाबूराम शामिल हैं. घायलों की हालत नाजुक है.

बताया जा रहा है कि ऑटो बरहेट से बरहड़वा जा रहा था, जबकि तेल टैंकर बरहड़वा से तेल खाली कर बरहेट की ओर जा रहा था तभी यह घटना हुई. सभी यात्री डहुआजोड़ चौक पर उतरने वाले थे लेकिन उससे पूर्व ही हादसा हो गया. मरने वाले यात्रियों की संख्या बढ़ सकती है.

घटना के बाद इलाज में लापरवाही का आरोप लगाकर कुछ लोगों ने रांगा स्थित सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पतना में तोड़फोड़ भी की. बरहड़वा एसडीपीओ नितिन खंडेलवाल ने घटना स्थल पर पहुंच मोर्चा को संभाला. बरहड़वा व रांगा थाने की पुलिस को भेजा गया. अस्पातल की स्थिति तनावपूर्ण बनी हुई है. बड़ी संख्या में ग्रामीण वहां जुटे हुए हैं. पुलिस शवों को पाेस्टमार्टम के लिए ले जाना चाहती थी लेकिन ग्रामीणों ने उन्हें रोक दिया है.

सीएस रामदेव पासवान भी पतना सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पहुंच मोर्चा संभाले हुए हैं. सीएस ने बताया कि पुलिस की मदद से स्थिति को काबू में कर लिया गया है. उन्होंने बताया कि उन्हें तीन लोगों के मरने की जानकारी है. घायलों का इलाज चल रहा है.