Patna

10 hours ago

इनर व्हील क्लब ऑफ़ पटना ने स्लम एरिया में बांटी मच्छरदानी, साड़ी तथा चादर।#Social


आज इनर व्हील क्लब ऑफ़ पटना के साथ इनर व्हील क्लब ऑफ़ सोम्या, दिव्या एवं मौर्या मिलकर प्रोजेक्ट किया। हज भवन के पीछे स्लम एरिया में वहां पानी अभी पूरी तरह नही सूखा है और डेंगू का प्रकोप बढ़ता जा रहा है। वहा छोटे बच्चों यवं बुजुर्गों को बचाना बहुत ही मुश्किल हो रहा है इसलिए आज स्लम एरिया में 200 pcs मछरदानी,  250 pcs साड़ी, 200 pcs चादर का वितरण किया गया एवं बिलिचिंग पाउडर का छिरकाव किया गया। 

क्लब की प्रेसिडेंट संध्या सरकार ने कहा इनर व्हील क्लब समय – समय पर इसी तरह आवश्यकतानुसार ज़रूरत की सामग्री का वितरण करता रहेगा।
इस मौके पर प्रियका कुमार, संगीता वर्मा, विभा चरण पहाड़ी, कस्तूरी घोसाल,  एवं अन्य सदस्याए मौजूद थी।

Barh

Oct 19 2019, 11:13

बाढ़ :'बाल शनिधाम' में हर शनिवार को उमड़ती है श्रद्धालुओं की भीड़, सज जाती है पूजा सामग्री की दुकानें।#Social


पूर्णत: यांत्रिक विधि से निर्मित बाढ़ का 'बाल शनिधाम' मंदिर इन दिनों आस्था और विश्वास का मुख्य केंद्र बिंदु बन गया है। वैसे तो मठों और मंदिरों  की नगरी के रूप में सुविख्यात बाढ़ अनुमंडल में 'बैकुंठ धाम' से लेकर 'उमानाथ धाम' तक धामों का साम्राज्य फैला हुआ है। लेकिन लगभग एक दशक पहले से पूर्णत: यांत्रिक विधि से निर्मित इस बाल शनिधाम बाढ़ शहर में अपना अलग ही महत्व रखे हुए हैं। इस मंदिर में आस्था और विश्वास का आलम यह है, कि हर शनिवार को अहले सुबह से ही यहां पूजा अर्चना के लिए श्रद्धालुओं का तांता लग जाता है। बाढ़ अनुमंडल का यह अकेला मंदिर है, जहां पूजा पाठ करने में किसी को कोई परेशानी नहीं होती है क्योंकि पूजा-पाठ की हर प्रक्रिया एक सिस्टम के तहत यहां पूरी करायी जाती है। सभी श्रद्धालु बगैर धक्का-मुक्की किए लाइन में लगकर पूजा अर्चना करते हैं। पहले यहां पूजा सामग्री की दुकानें इक्के-दुक्के ही लगती थी लेकिन अब यहां पूजा से संबंधित सामग्री की दुकानों का तांता लगा हुआ रहता है। 'बाल शनि धाम मंदिर 'बहुत कम समय में वो ख्याति प्राप्त कर चुकी है, कि अब गांव-जेवार से भी लोग हर शनिवार को यहां पूजा-पाठ करने के लिए आने लगे हैं। वैसे तो यहां सालों भर वैदिक विधि से पूजा-अर्चना होती ही रहती है। लेकिन खासकर शनिवार के दिन यहां आने वाले श्रद्धालुओं की भीड़ देखते बनती है। जहां तक मंदिर की रख-रखाव और श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए कुछ नव-निर्माण की बात होती है तो यहां के पुजारी को किसी के सामने हाथ फैलाने की जरूरत नहीं पड़ती हैं बल्कि लोग स्वेच्छा से दान देते हैं और उसी दान से मंदिर का बेहतर तरीके से मेंटेनेंस होते रहता है। बाढ़ शहर के कचहरी स्थित सीढ़ी घाट पर निर्मित 'बाल शनि धाम मंदिर' की ख्याति इसलिए भी बढ़ती जा रही है, कि हिंदुस्तान का यह दूसरा मंदिर है, जहां शनि भगवान के बाल-रूप की विधिवत पूजा-अर्चना होती है। श्रद्धालुओं की उमड़ती भीड़ की वजह से यहां के पुजारी को सेवादारों की संख्या भी बढ़ानी पड़ रही है। यदि इसी तरह यहां श्रद्धालुओं की भीड़ में इजाफा होती रही, तो बहुत जल्द ही बाढ़ का ये 'बाल शनि धाम मंदिर' बिहार के'पर्यटन स्थलों की सूची में अपनी दावेदारी पेश कर देगी।

Job_info

Oct 19 2019, 10:00

SBI Recruitment 2019 : Specialist Officers Job

 Name of Exam: SBI Recruitment of Specialist Officers for 2019

 Name of Organization:  State Bank of India 

 Post Name: Manager, Senior Special Executive, Senior Executive Financial, Executive, Senior Executive, Dy. Manager, Manager Analyst

 Total Vacancy: 67.
Manager-19, Senior Special Executive-03, Senior Executive Financial-01, Executive-21, Senior Executive-17, Dy. Manager-05, Manager Analyst-07

 Educational Qualification: MBA / CA / PGDM (Finance) / Post Graduate  Diploma in Management / Graduate (Horticulture / Rural Economy / Agriculture & Allied Activities) / Engineering Graduate (IT / Electronics & Communication Engineering / Electrical Engineering / Mechanical Engineering / Computer Science / Other Engineering Branches) / MCA / M.Sc (Computer Science / IT) Degree Holders.

 Experience: Exp. is must.

 Age Limit:
- Manager (Marketing & Real Estate)/Manager (Builder Relations)/Manager (Pdt. Devlpt. & Research)/Senior Executive (Retail Banking)/Senior Special Executive (Compliance)/Senior Executive (Financial Institution)/Senior Executive (Social Banking)/Dy. Manager (Agri. Spl.): 18-35 Yrs.

- Manager (Risk Management)/Manager (Credit Analyst)/Senior Special Executive (Strategy)/Senior Special Executive (FEMA Compliance)/Manager (Anytime Channels)/Manager (Analyst FI)/Manager Analyst: 18-37 Yrs.

- Executive (FI & MM): 18-30 Yrs.

 Selection Process: Based on Shortlisting & Interview.

 Application Fees: Rs 750/- General / OBC / EWS

 Last Date: 06.11.2019.

* Apply Online :
http://bit.ly/2MJUq38

Darbhanga

Oct 17 2019, 17:49

दरभंगा : सी एम कॉलेज में शहीद धीरेंद्रनाथ प्रसाद सिंह की जयंती के अवसर पर पुष्पांजलि अर्पण कर दी गई श्रद्धांजलि।


सी एम कॉलेज, दरभंगा के समाजशास्त्र विभाग के पूर्व छात्र शहीद धीरेंद्रनाथ प्रसाद सिंह की जयंती के अवसर पर आज महाविद्यालय के समाजशास्त्र विभाग में उनके चित्र पर माल्यार्पण एवं पुष्पांजलि अर्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि दी गई। इस अवसर पर उनके सम्मान में 2 मिनट का सामूहिक मौन रखा गया। इस अवसर पर डॉ प्रभात कुमार चौधरी, डॉ आर एन चौरसिया, प्रो डी पी गुप्ता, कुमारपट्टी के सरपंच-पति फूल बाबू, शिक्षक रामनरेश सिंह, रमेश प्रसाद सिंह, महेश्वर सिंह, सुजीत कुमार तथा स्काउट एंड गाइड के छात्र उपस्थित थे। कार्यक्रम में आयोजित क्विज प्रतियोगिता में मो नसरुद्दीन-प्रथम, उत्कर्ष कुमार शर्मा-द्वितीय तथा मो सितारे ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। जिन्हें पुरस्कार एवं लेखन-सामग्री प्रदान कर  सम्मानित किया गया।

श्रद्धांजलि सभा की अध्यक्षता करते हुए प्रधानाचार्य डॉ मुश्ताक अहमद ने कहा कि शहीद धीरेंद्र की वीरता एवं राष्ट्रभक्ति पर महाविद्यालय परिवार को गर्व है। वे छात्रों के आदर्श हैं, जिनसे नई पीढ़ी को राष्ट्रभक्ति की सीख मिलती है। उनकी राष्ट्रभक्ति युवाओं के लिए अनुकरणीय है। महाविद्यालय को उनके शहादत पर गर्व है, क्योंकि उन्होंने नक्सलियों से लोहा लेते हुए राष्ट्रहित में शहीद हुए।
 
समाजशास्त्र विभागाध्यक्ष प्रो विश्वनाथ झा ने कहा कि शहीद धीरेंद्रनाथ युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत हैं।उनका व्यक्तित्व छात्र-छात्राओं के लिए अनुकरणीय है। इस अवसर पर शहीद धीरेंद्रनाथ की धर्मपत्नी रूबी सिंह ने कहा कि मैं अपने पति की राष्ट्रभक्ति एवं प्रेरणा से ही जीवन में आगे बढ़ रही हूं।मेरे दोनों बच्चों में राष्ट्रप्रेम की भावना कूट-कूट कर भरी है। मेरे पति सीआईएसएफ के इतिहास में कीर्ति चक्र पाने वाले प्रथम शहीद थे, जिनके अदम्य साहस व वीरता के लिए 2007 में तत्कालीन राष्ट्रपति डॉ अब्दुल कलाम ने मरणोपरांत उन्हें कीर्ति चक्र प्रदान किया था। इस अवसर पर सीआईएसएफ, मुजफ्फरपुर के आरक्षी विक्रमादित्य ने बताया कि 1993 में नियुक्त धीरेंद्रनाथ  ने केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल(सीआईएसफ) में सब- इंस्पेक्टर के पद पर कार्यरत रहते हुए नक्सल प्रभावित क्षेत्र छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा में 9 फरवरी,2006 को करीब 500 नक्सलियों के एक समूह के सामने आत्मसमर्पण न कर नक्सलियों के मंसूबों पर पानी फेरते हुए जमकर मुठभेड़ करते हुए शहीद हुए। 

ज्ञातव्य है कि शहीद धीरेंद्रनाथ का जन्म 1966 में दरभंगा जिला के भराठी स्थित कुमारपट्टी गांव में हुआ था, जिन्होंने सी एम कॉलेज के समाजशास्त्र विभाग से अपनी पढ़ाई की थी।

Bettiah

Oct 14 2019, 15:22

शरद पूर्णिमा एवं वाल्मीकि जयंती के अवसर पर नारायणी गंडकी माता की 66वीं भव्य महाआरती कार्यक्रम का आयोजन




पश्चिम चंपारण/वाल्मीकिनगर : भारत नेपाल सीमा पर अवस्थित शिवालय घाट त्रिवेणी धाम नेपाल परिसर में शरद पूर्णिमा एवं वाल्मीकि जयंती के अवसर पर नारायणी गंडकी माता की 66वीं भव्य महाआरती कार्यक्रम का आयोजन किया गया। स्वरांजलि सेवा संस्थान द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि प्रोफेसर अरविंद नाथ तिवारी, कोटि होम आश्रम नेपाल के संत गुरु वशिष्ट जी महाराज, जीवन विज्ञान  नेपाल के प्रशिक्षक हरी पोखरेल, विशिष्ट अतिथि डब्ल्यू टी आई के प्रबंध सहायक सुब्रत कुमार बेहरा,  परमार्थ संस्थान के संस्थापक अध्यक्ष दिनेश मुखिया, चर्चित कलाकार डी.आनंद, थारू कला संस्कृति एवं प्रशिक्षण संस्थान के सचिव होम लाल प्रसाद, व्याख्याता आशुतोष मिश्रा, भाजयुमो के पूर्व जिला अध्यक्ष दुर्गा प्रसाद गुप्त, क्षेत्र पंचायत सदस्य विनोद मद्धेशिया, नेपाल के  गायक राम श्रेष्ठ, वार्ड अध्यक्ष मनोज पंजियार, एवं बिरहा गायक श्याम देव साहनी ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित करके किया। मुख्य अतिथि श्री तिवारी ने कहा कि त्रिवेणी संगम तट पर आयोजित यह महा आरती पर्यावरण संरक्षण संवर्धन हेतु मील का पत्थर साबित हो रहा है। नदी हमारा अतीत वर्तमान और भविष्य है। प्राकृतिक धरोहरों की रक्षा करना हमारा कर्तव्य है। डब्ल्यू टी आई के श्री बेहरा ने नारायणी गंडकी नदी के प्राचीन इतिहास और इसके महत्व पर आधारित पत्रक को भक्तजनों के बीच वितरित किया। जीवन विज्ञान नेपाल के प्रशिक्षक हरि पोखरेल ने सुख शांति और समृद्धि के उपाय बताए।कार्यक्रम के प्रथम चरण में संगीतमय योग साधना द्वारा स्वस्थ रहने के महत्वपूर्ण टिप्स दिए गए। कार्यक्रम के प्रणेता श्री डी. आनंद ने कहा कि इस अंतरराष्ट्रीय कार्यक्रम द्वारा जल जीवन हरियाली का संदेश भी लोगों तक पहुंचाया जा रहा है

Bhagalpur

Oct 13 2019, 19:34

श्रीशिवशक्तियोगपीठ नवगछिया आश्रम में दूसरे वर्ष मनाया गया शरद पूर्णिमा, उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़।


भागलपुर/चंदन रॉय

नवगछिया - श्रीशिवशक्तियोगपीठ नवगछिया आश्रम में परमहंस स्वामी आगमानंद जी महाराज के सानिध्य में दूसरे वर्ष श्रद्धा भक्ति के साथ शरद पूर्णिमा मनाया गया। रविवार की सूबह पंडित कौशलेन्द्र झा, पंडित अनिरूद्ध  शास्त्री, पंडित मुकेश झा, पंडित केशव आदि के द्वारा देवपूजन का कार्य किया। दोपहर में 250 से अधिक महिला एवं पुरूषो ने स्वामी जी से दीक्षा प्राप्त किया। साथ ही कतारबद्ध होकर लोगो ने स्वामी जी से आशीर्वाद के रूप में प्रात: काल वेदाअमृत, एवं दोपहर में चरणाअमृत ग्रहण किया। संध्या आरती के बाद परमहंस स्वामी आगमानंद जी महाराज ने लोगो के बीच सत्संगाअमृत का रसपान कराते हूए शरद पूर्णिमा पर विस्तार पूर्वक से चर्चा किये। 

उन्होने कहा कि शरद ऋतु की पूर्णिमा काफी महत्वपूर्ण तिथि है. शरद पूर्णिमा के दिन चन्द्रमा इस दिन संपूर्ण, सोलह कलाओं से युक्त होता है. इस दिन चन्द्रमा से अमृत की वर्षा होती है जो धन, प्रेम और स्वास्थ्य तीनों देती है. प्रेम और कलाओं से परिपूर्ण होने के कारण भगवान श्री कृष्ण ने इसी दिन महारास रचाया था। शरद पूर्णिमा को कौमुदी व कोजगरा पूर्णिमा भी कहते है। आज का दिन इसलिए ओर महत्वपूर्ण है कि आदि काव्‍य रामायण के रचयिता ज्ञानी महर्षि वाल्‍मीकि का जन्‍मदिवस है। वही संगीत कलाकार ने अपने स्वर से  श्रोताओ को भजनाअमृत में डूबो दिया। इस शरद पूर्णिमा महोत्सव में भागलपुर, खगड़िया, बांका, सहरसा, पूर्णिंया आदि जिले से स्वामी जी के अनुयायी शिरकत किये। 

श्रीशिवशक्तियोगपीठ नवगछिया आश्रम में सूबह से लेकर रात तक काफी संख्या में लोग दिखे। वही रात्रि में विशेष पूजन का आयोजन के साथ श्वेत व्यंजन का भोग लगाया गया। लोगो ने कहा कि स्वामी के असीम कृपा से इलाके के लोग  ही नही बल्कि दूर दराज से आए हूए श्रद्धालु भक्त गण शरद पूर्णिमा के दिन एक साथ  वेदाअमृत, चरणा अमृत पाकर एवं सत्संगाअमृत एवं भजनाअमृत सुनकर आनंदित रहें।

Barh

Oct 13 2019, 11:45

बाढ़ : शरद पूर्णिमा के अवसर पर सभी गंगा घाटों पर उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़, गंगा में लगाए गोते और की पूजा अर्चना।
 _Purnima

बाढ़ : आश्विन पूर्णिमा को शरद पूर्णिमा भी कहा जाता है। ऐसी मान्यता है कि इस शुभ दिन पर गंगा स्नान कर पूजा-पाठ करने पर श्रद्धालुओं की हर मनोकामना पूरी होती है। इसी वजह से आज के दिन गंगा के विभिन्न घाटों पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ देखी जाती है। इस दिन की दूसरी मान्यता यह भी है कि आज की रात अमृत वर्षा होती है। यही वजह है कि बहुत से श्रद्धालु खीर बनाकर एक निश्चित समय तक खुले आसमान में रख देते हैं, उसके बाद पूरा परिवार उसे ग्रहण करता हैं। जिसे 'शरद खीर' भी कहा जाता है। कुछ स्थानों पर आज की रात खाजा और दूध खाने की भी परंपरा है। दूध और खाजा को भी एक निश्चित समय के लिए लोग खुले आसमान में रख देते हैं। फिर उसे ग्रहण करते हैं। ऐसी सोच है कि इस अवस्था में रखे गए खीर या खाजा दूध में आज की रात 'ओस'।के रूप में अमृत की वर्षा होती है। जिसे ग्रहण करने के बाद सालों भर इंसान की काया निरोग रहती है। मांसाहारी लोगों के लिए भी आज का दिन आखिरी दिन माना जाता है क्योंकि कार्तिक की शुरुआत होते ही अधिकांशत घरों में मांसाहारी भोजन बनना एक माह के लिए बंद हो जाता है।

Muzaffarpur

Oct 11 2019, 16:45

नेपाल का भटका बच्चा पत्रकार सोनू शर्मा की मदद से पहुंचा नगर थाना
 

मुजफ्फरपुर : एक आठवी कक्षा के छात्र कंपनी बाग रोड में भटक रहा था इस बीच वहां से गुजर रहे पत्रकार सोनू शर्मा की नजर पड़ी उन्होंने उस बच्चे से पूछताछ किया। बच्चा रो रहा था उसको समझा कर फिर उनसे बातचीत की। इसकी सूचना उन्होंने एसएसपी मुजफ्फरपुर मनोज कुमार को दिया । नगर थानाध्यक्ष बातचीत की फिर पत्रकार सोनू शर्मा ने इस बच्चे को नगर थाना पहुंचाया बातचीत में उस बच्चे ने कहा कि  घर से जीजा ले गया था लुधियाना  पढ़ाने के लिए, और वहाँ ले जाकर उस 8 वी की छात्र से काम करवाता था, और कुछ समय बीत जाने के बाद जब पढ़ाने के लिए बोला तो उसे वहाँ से निकाल दिया, जिसके बाद वह नाबालिक छात्र भटकते भटकते मुज़फ़्फ़रपुर आ पहुँचा, और वह घर जाने के लिए बेचैन है। 

पत्रकार सोनू शर्मा की पहल से मजबूत हुआ भारत-नेपाल बेटी- रोटी संबंध। मीडिया फॉर  बॉर्डर  हारमोनी परिवार पत्रकार सोनू शर्मा को बधाई दी है । पत्रकार अमरेंद्र तिवारी ने कहा भारत और नेपाल के बीच हमारा जो संबंध है वह अटूट है । शर्मा को बधाईं ।
बच्चे की पहचान अरमान अंसारी, पिता:-सफी अंसारी, घर:-चौलिथा पोखरिया जिला:-सर्लाही(नेपाल) के रूप में हुई है।

Patna

Oct 11 2019, 15:59

वीआईपी पार्टी द्वारा आयोजित मिलन समारोह में वरिष्ठ पत्रकार राजीव मिश्र ने ग्रहण की वीआईपी की सदस्यता, बनाए गए राष्ट्रीय उपाध्यक्ष।#Social

वीआईपी पार्टी द्वारा आयोजित मिलन समारोह में वरिष्ठ पत्रकार राजीव मिश्र ने वीआईपी की सदस्‍यता ग्रहण किये। साथ ही उनको राष्ट्रीय उपाध्यक्ष भी बनाया गया और राष्ट्रीय मुक्त प्रवक्ता भी घोषित किया गया। मौके पर पार्टी के राष्‍ट्रीय अध्‍यक्ष सन ऑफ मल्‍लाह मुकेश सहनी उनका पार्टी में स्‍वागत किये। 

वही मुकेश साहनी ने कहा कि राजीव मिश्रा जी पर विश्वास करते हुए उनको जिम्मेवारी भी सौंप रहे हैं और मुझे पूर्ण विश्वास है कि पार्टी को आगे बढ़ाने में मदद करेंगे वही राजीव मिश्रा ने कहा कि अभी जो हालात देश के बने हुए हैं उसमें काफी परिवर्तन आना चाहिए और मैं पूरी कोशिश करूंगा की वीआईपी पार्टी एक बड़ी पार्टी बने।

Patna

Oct 11 2019, 13:06

नगर विकास मंत्री सुरेश शर्मा का बड़ा बयान, कहा जल जमाव के लिए नहीं बनी कोई कमिटी।


नगर विकास मंत्री सुरेश शर्मा का एक बयान सामने आया है। जिसमे उन्होंने कहा कि जल जमाव के लिए कोई कमिटी नही बनाई गयी है। 14 अक्टूबर को सीएम हाउस में होगी उच्य स्तरीय बैठक। जिसके बाद ही जांच कमिटी बनेगी। जांच कमिटी में वैसे लोग शामिल नहीं होंगे जिनके जिम्मे जल निकसी का जिम्मा था।

Patna

10 hours ago

इनर व्हील क्लब ऑफ़ पटना ने स्लम एरिया में बांटी मच्छरदानी, साड़ी तथा चादर।#Social


आज इनर व्हील क्लब ऑफ़ पटना के साथ इनर व्हील क्लब ऑफ़ सोम्या, दिव्या एवं मौर्या मिलकर प्रोजेक्ट किया। हज भवन के पीछे स्लम एरिया में वहां पानी अभी पूरी तरह नही सूखा है और डेंगू का प्रकोप बढ़ता जा रहा है। वहा छोटे बच्चों यवं बुजुर्गों को बचाना बहुत ही मुश्किल हो रहा है इसलिए आज स्लम एरिया में 200 pcs मछरदानी,  250 pcs साड़ी, 200 pcs चादर का वितरण किया गया एवं बिलिचिंग पाउडर का छिरकाव किया गया। 

क्लब की प्रेसिडेंट संध्या सरकार ने कहा इनर व्हील क्लब समय – समय पर इसी तरह आवश्यकतानुसार ज़रूरत की सामग्री का वितरण करता रहेगा।
इस मौके पर प्रियका कुमार, संगीता वर्मा, विभा चरण पहाड़ी, कस्तूरी घोसाल,  एवं अन्य सदस्याए मौजूद थी।

Barh

Oct 19 2019, 11:13

बाढ़ :'बाल शनिधाम' में हर शनिवार को उमड़ती है श्रद्धालुओं की भीड़, सज जाती है पूजा सामग्री की दुकानें।#Social


पूर्णत: यांत्रिक विधि से निर्मित बाढ़ का 'बाल शनिधाम' मंदिर इन दिनों आस्था और विश्वास का मुख्य केंद्र बिंदु बन गया है। वैसे तो मठों और मंदिरों  की नगरी के रूप में सुविख्यात बाढ़ अनुमंडल में 'बैकुंठ धाम' से लेकर 'उमानाथ धाम' तक धामों का साम्राज्य फैला हुआ है। लेकिन लगभग एक दशक पहले से पूर्णत: यांत्रिक विधि से निर्मित इस बाल शनिधाम बाढ़ शहर में अपना अलग ही महत्व रखे हुए हैं। इस मंदिर में आस्था और विश्वास का आलम यह है, कि हर शनिवार को अहले सुबह से ही यहां पूजा अर्चना के लिए श्रद्धालुओं का तांता लग जाता है। बाढ़ अनुमंडल का यह अकेला मंदिर है, जहां पूजा पाठ करने में किसी को कोई परेशानी नहीं होती है क्योंकि पूजा-पाठ की हर प्रक्रिया एक सिस्टम के तहत यहां पूरी करायी जाती है। सभी श्रद्धालु बगैर धक्का-मुक्की किए लाइन में लगकर पूजा अर्चना करते हैं। पहले यहां पूजा सामग्री की दुकानें इक्के-दुक्के ही लगती थी लेकिन अब यहां पूजा से संबंधित सामग्री की दुकानों का तांता लगा हुआ रहता है। 'बाल शनि धाम मंदिर 'बहुत कम समय में वो ख्याति प्राप्त कर चुकी है, कि अब गांव-जेवार से भी लोग हर शनिवार को यहां पूजा-पाठ करने के लिए आने लगे हैं। वैसे तो यहां सालों भर वैदिक विधि से पूजा-अर्चना होती ही रहती है। लेकिन खासकर शनिवार के दिन यहां आने वाले श्रद्धालुओं की भीड़ देखते बनती है। जहां तक मंदिर की रख-रखाव और श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए कुछ नव-निर्माण की बात होती है तो यहां के पुजारी को किसी के सामने हाथ फैलाने की जरूरत नहीं पड़ती हैं बल्कि लोग स्वेच्छा से दान देते हैं और उसी दान से मंदिर का बेहतर तरीके से मेंटेनेंस होते रहता है। बाढ़ शहर के कचहरी स्थित सीढ़ी घाट पर निर्मित 'बाल शनि धाम मंदिर' की ख्याति इसलिए भी बढ़ती जा रही है, कि हिंदुस्तान का यह दूसरा मंदिर है, जहां शनि भगवान के बाल-रूप की विधिवत पूजा-अर्चना होती है। श्रद्धालुओं की उमड़ती भीड़ की वजह से यहां के पुजारी को सेवादारों की संख्या भी बढ़ानी पड़ रही है। यदि इसी तरह यहां श्रद्धालुओं की भीड़ में इजाफा होती रही, तो बहुत जल्द ही बाढ़ का ये 'बाल शनि धाम मंदिर' बिहार के'पर्यटन स्थलों की सूची में अपनी दावेदारी पेश कर देगी।

Job_info

Oct 19 2019, 10:00

SBI Recruitment 2019 : Specialist Officers Job

 Name of Exam: SBI Recruitment of Specialist Officers for 2019

 Name of Organization:  State Bank of India 

 Post Name: Manager, Senior Special Executive, Senior Executive Financial, Executive, Senior Executive, Dy. Manager, Manager Analyst

 Total Vacancy: 67.
Manager-19, Senior Special Executive-03, Senior Executive Financial-01, Executive-21, Senior Executive-17, Dy. Manager-05, Manager Analyst-07

 Educational Qualification: MBA / CA / PGDM (Finance) / Post Graduate  Diploma in Management / Graduate (Horticulture / Rural Economy / Agriculture & Allied Activities) / Engineering Graduate (IT / Electronics & Communication Engineering / Electrical Engineering / Mechanical Engineering / Computer Science / Other Engineering Branches) / MCA / M.Sc (Computer Science / IT) Degree Holders.

 Experience: Exp. is must.

 Age Limit:
- Manager (Marketing & Real Estate)/Manager (Builder Relations)/Manager (Pdt. Devlpt. & Research)/Senior Executive (Retail Banking)/Senior Special Executive (Compliance)/Senior Executive (Financial Institution)/Senior Executive (Social Banking)/Dy. Manager (Agri. Spl.): 18-35 Yrs.

- Manager (Risk Management)/Manager (Credit Analyst)/Senior Special Executive (Strategy)/Senior Special Executive (FEMA Compliance)/Manager (Anytime Channels)/Manager (Analyst FI)/Manager Analyst: 18-37 Yrs.

- Executive (FI & MM): 18-30 Yrs.

 Selection Process: Based on Shortlisting & Interview.

 Application Fees: Rs 750/- General / OBC / EWS

 Last Date: 06.11.2019.

* Apply Online :
http://bit.ly/2MJUq38

Darbhanga

Oct 17 2019, 17:49

दरभंगा : सी एम कॉलेज में शहीद धीरेंद्रनाथ प्रसाद सिंह की जयंती के अवसर पर पुष्पांजलि अर्पण कर दी गई श्रद्धांजलि।


सी एम कॉलेज, दरभंगा के समाजशास्त्र विभाग के पूर्व छात्र शहीद धीरेंद्रनाथ प्रसाद सिंह की जयंती के अवसर पर आज महाविद्यालय के समाजशास्त्र विभाग में उनके चित्र पर माल्यार्पण एवं पुष्पांजलि अर्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि दी गई। इस अवसर पर उनके सम्मान में 2 मिनट का सामूहिक मौन रखा गया। इस अवसर पर डॉ प्रभात कुमार चौधरी, डॉ आर एन चौरसिया, प्रो डी पी गुप्ता, कुमारपट्टी के सरपंच-पति फूल बाबू, शिक्षक रामनरेश सिंह, रमेश प्रसाद सिंह, महेश्वर सिंह, सुजीत कुमार तथा स्काउट एंड गाइड के छात्र उपस्थित थे। कार्यक्रम में आयोजित क्विज प्रतियोगिता में मो नसरुद्दीन-प्रथम, उत्कर्ष कुमार शर्मा-द्वितीय तथा मो सितारे ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। जिन्हें पुरस्कार एवं लेखन-सामग्री प्रदान कर  सम्मानित किया गया।

श्रद्धांजलि सभा की अध्यक्षता करते हुए प्रधानाचार्य डॉ मुश्ताक अहमद ने कहा कि शहीद धीरेंद्र की वीरता एवं राष्ट्रभक्ति पर महाविद्यालय परिवार को गर्व है। वे छात्रों के आदर्श हैं, जिनसे नई पीढ़ी को राष्ट्रभक्ति की सीख मिलती है। उनकी राष्ट्रभक्ति युवाओं के लिए अनुकरणीय है। महाविद्यालय को उनके शहादत पर गर्व है, क्योंकि उन्होंने नक्सलियों से लोहा लेते हुए राष्ट्रहित में शहीद हुए।
 
समाजशास्त्र विभागाध्यक्ष प्रो विश्वनाथ झा ने कहा कि शहीद धीरेंद्रनाथ युवाओं के लिए प्रेरणास्रोत हैं।उनका व्यक्तित्व छात्र-छात्राओं के लिए अनुकरणीय है। इस अवसर पर शहीद धीरेंद्रनाथ की धर्मपत्नी रूबी सिंह ने कहा कि मैं अपने पति की राष्ट्रभक्ति एवं प्रेरणा से ही जीवन में आगे बढ़ रही हूं।मेरे दोनों बच्चों में राष्ट्रप्रेम की भावना कूट-कूट कर भरी है। मेरे पति सीआईएसएफ के इतिहास में कीर्ति चक्र पाने वाले प्रथम शहीद थे, जिनके अदम्य साहस व वीरता के लिए 2007 में तत्कालीन राष्ट्रपति डॉ अब्दुल कलाम ने मरणोपरांत उन्हें कीर्ति चक्र प्रदान किया था। इस अवसर पर सीआईएसएफ, मुजफ्फरपुर के आरक्षी विक्रमादित्य ने बताया कि 1993 में नियुक्त धीरेंद्रनाथ  ने केंद्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल(सीआईएसफ) में सब- इंस्पेक्टर के पद पर कार्यरत रहते हुए नक्सल प्रभावित क्षेत्र छत्तीसगढ़ के दंतेवाड़ा में 9 फरवरी,2006 को करीब 500 नक्सलियों के एक समूह के सामने आत्मसमर्पण न कर नक्सलियों के मंसूबों पर पानी फेरते हुए जमकर मुठभेड़ करते हुए शहीद हुए। 

ज्ञातव्य है कि शहीद धीरेंद्रनाथ का जन्म 1966 में दरभंगा जिला के भराठी स्थित कुमारपट्टी गांव में हुआ था, जिन्होंने सी एम कॉलेज के समाजशास्त्र विभाग से अपनी पढ़ाई की थी।

Bettiah

Oct 14 2019, 15:22

शरद पूर्णिमा एवं वाल्मीकि जयंती के अवसर पर नारायणी गंडकी माता की 66वीं भव्य महाआरती कार्यक्रम का आयोजन




पश्चिम चंपारण/वाल्मीकिनगर : भारत नेपाल सीमा पर अवस्थित शिवालय घाट त्रिवेणी धाम नेपाल परिसर में शरद पूर्णिमा एवं वाल्मीकि जयंती के अवसर पर नारायणी गंडकी माता की 66वीं भव्य महाआरती कार्यक्रम का आयोजन किया गया। स्वरांजलि सेवा संस्थान द्वारा आयोजित इस कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि प्रोफेसर अरविंद नाथ तिवारी, कोटि होम आश्रम नेपाल के संत गुरु वशिष्ट जी महाराज, जीवन विज्ञान  नेपाल के प्रशिक्षक हरी पोखरेल, विशिष्ट अतिथि डब्ल्यू टी आई के प्रबंध सहायक सुब्रत कुमार बेहरा,  परमार्थ संस्थान के संस्थापक अध्यक्ष दिनेश मुखिया, चर्चित कलाकार डी.आनंद, थारू कला संस्कृति एवं प्रशिक्षण संस्थान के सचिव होम लाल प्रसाद, व्याख्याता आशुतोष मिश्रा, भाजयुमो के पूर्व जिला अध्यक्ष दुर्गा प्रसाद गुप्त, क्षेत्र पंचायत सदस्य विनोद मद्धेशिया, नेपाल के  गायक राम श्रेष्ठ, वार्ड अध्यक्ष मनोज पंजियार, एवं बिरहा गायक श्याम देव साहनी ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित करके किया। मुख्य अतिथि श्री तिवारी ने कहा कि त्रिवेणी संगम तट पर आयोजित यह महा आरती पर्यावरण संरक्षण संवर्धन हेतु मील का पत्थर साबित हो रहा है। नदी हमारा अतीत वर्तमान और भविष्य है। प्राकृतिक धरोहरों की रक्षा करना हमारा कर्तव्य है। डब्ल्यू टी आई के श्री बेहरा ने नारायणी गंडकी नदी के प्राचीन इतिहास और इसके महत्व पर आधारित पत्रक को भक्तजनों के बीच वितरित किया। जीवन विज्ञान नेपाल के प्रशिक्षक हरि पोखरेल ने सुख शांति और समृद्धि के उपाय बताए।कार्यक्रम के प्रथम चरण में संगीतमय योग साधना द्वारा स्वस्थ रहने के महत्वपूर्ण टिप्स दिए गए। कार्यक्रम के प्रणेता श्री डी. आनंद ने कहा कि इस अंतरराष्ट्रीय कार्यक्रम द्वारा जल जीवन हरियाली का संदेश भी लोगों तक पहुंचाया जा रहा है

Bhagalpur

Oct 13 2019, 19:34

श्रीशिवशक्तियोगपीठ नवगछिया आश्रम में दूसरे वर्ष मनाया गया शरद पूर्णिमा, उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़।


भागलपुर/चंदन रॉय

नवगछिया - श्रीशिवशक्तियोगपीठ नवगछिया आश्रम में परमहंस स्वामी आगमानंद जी महाराज के सानिध्य में दूसरे वर्ष श्रद्धा भक्ति के साथ शरद पूर्णिमा मनाया गया। रविवार की सूबह पंडित कौशलेन्द्र झा, पंडित अनिरूद्ध  शास्त्री, पंडित मुकेश झा, पंडित केशव आदि के द्वारा देवपूजन का कार्य किया। दोपहर में 250 से अधिक महिला एवं पुरूषो ने स्वामी जी से दीक्षा प्राप्त किया। साथ ही कतारबद्ध होकर लोगो ने स्वामी जी से आशीर्वाद के रूप में प्रात: काल वेदाअमृत, एवं दोपहर में चरणाअमृत ग्रहण किया। संध्या आरती के बाद परमहंस स्वामी आगमानंद जी महाराज ने लोगो के बीच सत्संगाअमृत का रसपान कराते हूए शरद पूर्णिमा पर विस्तार पूर्वक से चर्चा किये। 

उन्होने कहा कि शरद ऋतु की पूर्णिमा काफी महत्वपूर्ण तिथि है. शरद पूर्णिमा के दिन चन्द्रमा इस दिन संपूर्ण, सोलह कलाओं से युक्त होता है. इस दिन चन्द्रमा से अमृत की वर्षा होती है जो धन, प्रेम और स्वास्थ्य तीनों देती है. प्रेम और कलाओं से परिपूर्ण होने के कारण भगवान श्री कृष्ण ने इसी दिन महारास रचाया था। शरद पूर्णिमा को कौमुदी व कोजगरा पूर्णिमा भी कहते है। आज का दिन इसलिए ओर महत्वपूर्ण है कि आदि काव्‍य रामायण के रचयिता ज्ञानी महर्षि वाल्‍मीकि का जन्‍मदिवस है। वही संगीत कलाकार ने अपने स्वर से  श्रोताओ को भजनाअमृत में डूबो दिया। इस शरद पूर्णिमा महोत्सव में भागलपुर, खगड़िया, बांका, सहरसा, पूर्णिंया आदि जिले से स्वामी जी के अनुयायी शिरकत किये। 

श्रीशिवशक्तियोगपीठ नवगछिया आश्रम में सूबह से लेकर रात तक काफी संख्या में लोग दिखे। वही रात्रि में विशेष पूजन का आयोजन के साथ श्वेत व्यंजन का भोग लगाया गया। लोगो ने कहा कि स्वामी के असीम कृपा से इलाके के लोग  ही नही बल्कि दूर दराज से आए हूए श्रद्धालु भक्त गण शरद पूर्णिमा के दिन एक साथ  वेदाअमृत, चरणा अमृत पाकर एवं सत्संगाअमृत एवं भजनाअमृत सुनकर आनंदित रहें।

Barh

Oct 13 2019, 11:45

बाढ़ : शरद पूर्णिमा के अवसर पर सभी गंगा घाटों पर उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़, गंगा में लगाए गोते और की पूजा अर्चना।
 _Purnima

बाढ़ : आश्विन पूर्णिमा को शरद पूर्णिमा भी कहा जाता है। ऐसी मान्यता है कि इस शुभ दिन पर गंगा स्नान कर पूजा-पाठ करने पर श्रद्धालुओं की हर मनोकामना पूरी होती है। इसी वजह से आज के दिन गंगा के विभिन्न घाटों पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ देखी जाती है। इस दिन की दूसरी मान्यता यह भी है कि आज की रात अमृत वर्षा होती है। यही वजह है कि बहुत से श्रद्धालु खीर बनाकर एक निश्चित समय तक खुले आसमान में रख देते हैं, उसके बाद पूरा परिवार उसे ग्रहण करता हैं। जिसे 'शरद खीर' भी कहा जाता है। कुछ स्थानों पर आज की रात खाजा और दूध खाने की भी परंपरा है। दूध और खाजा को भी एक निश्चित समय के लिए लोग खुले आसमान में रख देते हैं। फिर उसे ग्रहण करते हैं। ऐसी सोच है कि इस अवस्था में रखे गए खीर या खाजा दूध में आज की रात 'ओस'।के रूप में अमृत की वर्षा होती है। जिसे ग्रहण करने के बाद सालों भर इंसान की काया निरोग रहती है। मांसाहारी लोगों के लिए भी आज का दिन आखिरी दिन माना जाता है क्योंकि कार्तिक की शुरुआत होते ही अधिकांशत घरों में मांसाहारी भोजन बनना एक माह के लिए बंद हो जाता है।