50वें इंडिया कारपेट एक्सपो में अब आएंगे अमेरिकी आयातक

*11 से 14 अप्रैल तक न‌ई दिल्ली में होगा आयोजन,रेसिप्रोकल टैरिफ के कारण बंद था कारोबार*


रिपोर्ट -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। अमेरिकी टैरिफ 50 प्रतिशत से घटकर 18 प्रतिशत होने के बाद निर्यातक अमेरिका के साथ भविष्य में बेहतर कारोबार की आशा जता रहे हैं। आगामी 11 से 14 अप्रैल तक नई दिल्ली में 50वां इंडिया कारपेट एक्सपो होना है। इसमें अब अमेरिकी आयातकों के आने की उम्मीद बढ़ गई है। निर्यातक अब एक्सपो में दोगुने उत्साह से भाग लेंगे। गत वर्ष अप्रैल में 25 प्रतिशत अमरीकी टैरिफ लागू हुआ।इसके बाद अगस्त में ट्रंप ने पुन: 25 प्रतिशत रेसिप्रोकल टैरिफ लगाकर सीधे 50 प्रतिशत कर दिया था। भदोही के कालीन निर्यातकों का कहना है कि कुल कारोबार में 60 प्रतिशत हिस्सेदारी अमेरिका की थी।
इस कारण निर्यातकों को सबसे ज्यादा नुकसान उठाना पड़ा था। भारत सरकार के प्रयासों से टैरिफ घटाकर अब 18 प्रतिशत किया गया है। बीते 10 महीने से गोदामों में जहां करोड़ों रुपये के माल डंप हो गए थे। कालीन कंपनियों ने इकाईयों से मजदूरों की छंटनी शुरू कर दी।
कालीन निर्यात संवर्धन परिषद सीईपीसी और ऑल इंडिया कारपेट मैनुफैक्चरर्स एसोसिएशन मानती है कि गत साल अक्तूबर में भदोही में हुए इंडिया कारपेट एक्सपो में आयातकों की अपेक्षित संख्या नहीं आ पाई थी।
इसका मुख्य कारण था कि टैरिफ के कारण हमारे कालीन 50 प्रतिशत तक महंगे हो गए थे। यदि लोग खरीदना भी चाहते तो ऊंची कीमत पर न खरीद पाते।
अब माना जा रहा है कि 18 प्रतिशत टैरिफ होने से भदोही के निर्यातक दोगुने उत्साह के साथ नई दिल्ली में होने वाले इंडिया कारपेट एक्सपो में भाग लेंगे। इससे कारोबार बढ़ेगा।
उत्तर प्रदेश: 11 जिलों के पुलिस कप्तान समेत 24 आईपीएस अधिकारियों के तबादले
लखनऊ। उत्तर प्रदेश पुलिस विभाग में बुधवार देर रात को पुलिस अधिकारियों का तबादला हुआ है। शासन ने 11 जिलों के पुलिस कप्तान समेत 24 आईपीएस अधिकारियों के स्थानांतरण किए हैं।

तबादले के क्रम में पुलिस महानिदेशक/ अपर पुलिस महानिदेशक लखनऊ जोन सुजीत पाण्डेय को पुलिस महानिदेशक अग्निशमन आपात सेवाएं मुख्यालय लखनऊ का पदभार सौंपा गया हैं। प्रवीण कुमार को पुलिस महानिदेशक/ पुलिस महानिरीक्षक अयोध्या परिक्षेत्र से हटाकर लखनऊ जोन का नया अपर पुलिस महानिदेशक बनाया है। के. एस. इमानुएल को पुलिस महानिरीक्षक ईओडब्ल्यू के पद से मुक्त करते हुए डीजीपी का जीएसओ नियुक्त किया है।

विनोद कुमार सिंह को संयुक्त पुलिस आयुक्त पुलिस कमिश्नरेट कानपुर नगर से पुलिस महानिरीक्षक डॉ. भीमराव अम्बेडकर पुलिस अकादमी मुरादाबाद, गाजियाबाद के पुलिस कमिश्नरेट में तैनात अपर पुलिस आयुक्त आलोक प्रियदर्शी को अपर पुलिस आयुक्त कमिश्नरेट वाराणसी, गोरखपुर के पुलिस उपमहानिरीक्षक/ वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक राजकरन नैयर को अपर पुलिस आयुक्त, पुलिस कमिश्नरेट गाजियाबाद बनाया है। सोमेन वर्मा को पुलिस उपमहानिरीक्षक/ वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक मीरजापुर से पुलिस उपमहानिरीक्षक आयोध्या बनाया हैं।

इसी तरह संकल्प शर्मा को पुलिस उपमहानिरीक्षक/पुलिस अधीक्षक खीरी से संयुक्त पुलिस आयुक्त पुलिस कमिश्नरेट कानपुर नगर, पुलिस उपमहानिरीक्षक/ वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक मेरठ में तैनात विपिन टाडा को संयुक्त पुलिस आयुक्त पुलिस कमिश्नरेट कानपुर नगर, पुलिस उपमहानिरीक्षक/पुलिस अधीक्षक पीलीभीत अभिषेक यादव को पुलिस उपमहानिरीक्षक एटीएस लखनऊ, पुलिस उपमहानिरीक्षक/वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सहारनपुर में तैनात आशीष तिवारी को पुलिस उपमहानिरीक्षक तकनीकी सेवाएं लखनऊ, पुलिस उपमहानिरीक्षक/पुलिस अधीक्षक पीटीसी मुरादाबाद से प्रताप गोपेंद्र यादव को पुलिस उपमहानिरीक्षक पुलिस मुख्यालय लखनऊ में नवीन तैनाती दी गई है।

11 जिलों के पुलिस कप्तान बदले



शासन ने 11 जिलों के पुलिस कप्तान बदले है। इनमें कुंवर अनुपम सिंह को पुलिस अधीक्षक सुल्तानपुर से वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जौनपुर बनाया है। ख्याति गर्ग को सेना नायक 9वीं वाहिनी पीसी मुरादाबाद से पुलिस अधीक्षक खीरी और यशवीर सिंह को रायबरेली से बस्ती का एसपी नियुक्त किया है। चारू निगम को सुल्तानपुर और अपर्णा रजत कौशिक को मीरजापुर की कमान सौंपी हैं। अभिनंदन को बस्ती से एसएसपी सहारनपुर, डा. कौस्तुभ को जौनपुर एसएसपी से गोरखपुर का नया पुलिस कप्तान बनाया है।

अविनाश पाण्डेय को सेना नायक 01 वीं वाहिनी एसएसफ लखनऊ से एसएसपी मेरठ, रवि कुमार रायबरेली सेना नायक 11वीं वाहिनी पीएसी सीतापुर से पुलिस अधीक्षक रायबरेली, सुकृीर्ति माधव को पुलिस अधीक्षक क्षेत्रीय अभिसूचना आगरा से एसपी पीलीभीत और सर्वानन टी को अपर पुलिस उपायुक्त वाराणसी पुलिस कमिश्नरेट से पुलिस अधीक्षक अमेठी बनाया हैं। संभल में तैनात अनुकृति शर्मा को अपर पुलिस उपायुक्त पुलिस कमिश्नरेट गौतमबुद्ध नगर नियुक्त किया है।
नगर में 15 को निकलेगी ऐतिहासिक शिव बारात

*क‌ई आकर्षक झांकियां भी होंगी शामिल*

नितेश श्रीवास्तव

भदोही। नगर स्थित बाबा बड़े शिव धाम में मां सिंह वाहिनी शृंगार समिति की बैठक हुई। इस दौरान महाशिवरात्रि पर्व को लेकर चर्चा की गई। प्रबंधक रामकृष्ण खट्टू ने बताया कि 15 फरवरी को महाशिवरात्रि पर्व पर मंदिर परिसर में महोत्सव का आयोजन किया जाएगा। साथ ही शोभायात्रा निकाली जाएगी। महाशिवरात्रि के दिन अनन्त कोटि ब्रा‌ह्माण्ड नायक देवों के देव महादेव बाबा भोलेनाथ का ऐतिहासिक एवं प्रसिद्ध शिव बारात 15 फरवरी रविवार को दोपहर में तीन बजे से निकाली जाएगी। जिसमें हाथी, घोड़े, बग्गी, भैसा, बैल, पक्षी, रथ, शंख, घड़ियाल, घंटा, मृदंग, तुरही, ढोलक, मजीरा, तासा, बाजा आदि रहेगा।भगवान विष्णु, ब्रन्हा, नन्दी, गणेश, सूर्य, चन्द्र, वरूण के साथ भगवान शिव की मनमोहक झांकी निकाली जाएगी। बारात में भूत, प्रेत, पिशाच भी रहेंगे। यात्रा शिव धाम से काली मोहाल, खड़ह‌ट्टी मोहाल, अंजही मोहाल, बाबा कबूतरनाथ, केड़वरिया, सदर मोहाल, जीटी रोड चौराहा, जोगीबीर मंदिर पडाव, बरगदा हनुमान, पश्चिम मोहाल, सदर मोहाल, ज्ञानपुर रोड, पेट्रोल पम्प, मिर्जापुर तिराहा, सिनेमा रोड होते हुए बाबा बड़े शिव धाम वापस जाकर समाप्त होगी। इस मौके पर पूर्व चेयरमैन प्रह्लाददास गुप्ता, उदयभान सिंह, आशीष सिंह, राजकुमार कौशल, आलोक अग्रवाल, सत्य प्रकाश मौर्य, विजय कुमार मोदनवाल, मोहित कुमार रहे।
एपीआई उत्पादन से ही फार्मा क्षेत्र में सच्ची आत्मनिर्भरता संभव : मुदित अग्रवाल
कुमाऊं, उत्तराखंड। कुमाऊँ–गढ़वाल चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के अध्यक्ष, उत्तराखंड फार्मा चैप्टर प्रमुख एवं एग्रोन रेमेडीज प्राइवेट लिमिटेड के निदेशक मुदित अग्रवाल ने केंद्रीय बजट–2026 को प्रगतिशील, संतुलित और उद्योगोन्मुखी बताते हुए केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण एवं भारत सरकार का आभार व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि यह बजट न केवल आर्थिक विकास को गति देगा, बल्कि स्वास्थ्य, एमएसएमई और बायो-फार्मास्युटिकल जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों के प्रति सरकार की गंभीर प्रतिबद्धता को भी दर्शाता है।

श्री अग्रवाल ने कैंसर रोधी दवाओं पर करों में की गई कटौती को अत्यंत सराहनीय और स्वागतयोग्य कदम बताया। उन्होंने कहा कि कैंसर जैसी गंभीर बीमारी के इलाज में दवाओं की ऊँची कीमत एक बड़ी चुनौती होती है। कर राहत से जीवनरक्षक दवाओं की लागत में कमी आएगी, जिससे आम मरीजों को सीधा लाभ मिलेगा। यह निर्णय सरकार की मानवीय सोच और जनस्वास्थ्य को प्राथमिकता देने वाले दृष्टिकोण को दर्शाता है।

उन्होंने एमएसएमई क्षेत्र के लिए 2,000 करोड़ रुपये के विशेष आवंटन, विशेषकर बायो-फार्मा एवं लाइफ साइंसेज उद्योग पर केंद्रित समर्थन को दूरदर्शी पहल बताया। उनके अनुसार इससे छोटे एवं मध्यम फार्मा उद्यमों को तकनीकी उन्नयन, आधुनिक मशीनरी, गुणवत्ता मानकों के अनुपालन, अनुसंधान एवं विकास तथा नवाचार को बढ़ावा मिलेगा। साथ ही, इससे रोजगार सृजन को भी बल मिलेगा। औद्योगिक रूप से उभरते राज्य उत्तराखंड के लिए यह प्रावधान विशेष रूप से उत्साहवर्धक है।

श्री अग्रवाल ने बजट में ईमानदार एवं नियमों का पालन करने वाले करदाताओं को दी गई राहत का भी स्वागत किया। उन्होंने कहा कि इससे पारदर्शिता बढ़ेगी, ईज ऑफ डूइंग बिज़नेस को मजबूती मिलेगी और स्वैच्छिक कर अनुपालन को प्रोत्साहन मिलेगा, जिससे उद्योग जगत का सरकार पर विश्वास और सुदृढ़ होगा।

हालाँकि, उन्होंने यह भी कहा कि फार्मास्युटिकल उद्योग को कुछ अतिरिक्त सेक्टर-विशिष्ट कर राहतों की अपेक्षा थी। यदि उत्पादन-आधारित प्रोत्साहन (PLI) या अतिरिक्त कर रियायतें दी जातीं, तो आवश्यक दवाओं की उपलब्धता और अधिक किफायती हो सकती थी।

भविष्य की रणनीति पर बात करते हुए श्री अग्रवाल ने सक्रिय दवा सामग्री (एपीआई) के मामले में चीन पर भारत की अत्यधिक निर्भरता को गंभीर चिंता का विषय बताया। उन्होंने कहा कि वर्तमान में लगभग 70 प्रतिशत एपीआई आयात चीन से किया जाता है। देश में सच्ची आत्मनिर्भरता प्राप्त करने के लिए सरकार को कर रियायतों, सब्सिडी, भूमि और बुनियादी ढांचे के सहयोग से घरेलू एपीआई उत्पादन को प्रोत्साहित करना चाहिए।

अंत में उन्होंने कहा कि केंद्रीय बजट–2026 एमएसएमई सशक्तिकरण, बायो-फार्मा क्षेत्र के विस्तार, जनस्वास्थ्य संरक्षण और ईमानदार करदाताओं के सम्मान की दिशा में एक संतुलित और विकासोन्मुखी बजट है। कुमाऊँ–गढ़वाल चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री का फार्मा चैप्टर इन पहलों का पूर्ण समर्थन करता है और भविष्य में उद्योग की व्यावहारिक एवं नीतिगत आवश्यकताओं के अनुरूप और सकारात्मक कदमों की अपेक्षा करता है।
कांदिवली में बालकोत्सव 2025– 2026 का भव्य आयोजन सम्पन्न
मुंबई। बृहन्मुंबई महानगरपालिका शिक्षण विभाग द्वारा आर/दक्षिण विभाग ,कांदिवली के
एम.पी.एस. बजाज रोड स्कूल में बालकोत्सव, लोकनृत्य प्रतियोगिता 2025– 2026 का भव्य आयोजन किया गया। बच्चों में छिपी प्रतिभाओं को मंच प्रदान करने वाले इस उत्सव में विद्यार्थियों ने अपनी रुचि की कलाओं का प्रदर्शन कर उपस्थित अभिभावकों एवं नागरिकों का ध्यान आकर्षित किया। इस प्रकार की गतिविधियों से विद्यार्थियों के व्यक्तित्व विकास को प्रोत्साहन मिलता है। इस बालकोत्सव कार्यक्रम में उप शिक्षणाधिकारी (पश्चिम उपनगर) दीपिका पाटील,ममता राव, उप शिक्षणाधिकारी (लोकसहभाग कक्ष) मुख्तार शहा, (अधीक्षक) तौहीद शेख,(कनिष्ठ पर्यवेक्षक) राजेश शिंदे, (प्रशासकिय अधिकारी)अशफाक शाह, विभाग निरीक्षक राजेश बुजड,तथा विभाग निरीक्षक मीना कवळे  उपस्थित रहे। विभिन्न मनपा स्कूलों के बच्चों ने सुंदर कार्यक्रम प्रस्तुत किए।
एपीआई उत्पादन से ही फार्मा क्षेत्र में सच्ची आत्मनिर्भरता संभव : मुदित अग्रवाल
कुमाऊं, उत्तराखंड। कुमाऊँ–गढ़वाल चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के अध्यक्ष, उत्तराखंड फार्मा चैप्टर प्रमुख एवं एग्रोन रेमेडीज प्राइवेट लिमिटेड के निदेशक मुदित अग्रवाल ने केंद्रीय बजट–2026 को प्रगतिशील, संतुलित और उद्योगोन्मुखी बताते हुए केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण एवं भारत सरकार का आभार व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि यह बजट न केवल आर्थिक विकास को गति देगा, बल्कि स्वास्थ्य, एमएसएमई और बायो-फार्मास्युटिकल जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों के प्रति सरकार की गंभीर प्रतिबद्धता को भी दर्शाता है।

श्री अग्रवाल ने कैंसर रोधी दवाओं पर करों में की गई कटौती को अत्यंत सराहनीय और स्वागतयोग्य कदम बताया। उन्होंने कहा कि कैंसर जैसी गंभीर बीमारी के इलाज में दवाओं की ऊँची कीमत एक बड़ी चुनौती होती है। कर राहत से जीवनरक्षक दवाओं की लागत में कमी आएगी, जिससे आम मरीजों को सीधा लाभ मिलेगा। यह निर्णय सरकार की मानवीय सोच और जनस्वास्थ्य को प्राथमिकता देने वाले दृष्टिकोण को दर्शाता है।

उन्होंने एमएसएमई क्षेत्र के लिए 2,000 करोड़ रुपये के विशेष आवंटन, विशेषकर बायो-फार्मा एवं लाइफ साइंसेज उद्योग पर केंद्रित समर्थन को दूरदर्शी पहल बताया। उनके अनुसार इससे छोटे एवं मध्यम फार्मा उद्यमों को तकनीकी उन्नयन, आधुनिक मशीनरी, गुणवत्ता मानकों के अनुपालन, अनुसंधान एवं विकास तथा नवाचार को बढ़ावा मिलेगा। साथ ही, इससे रोजगार सृजन को भी बल मिलेगा। औद्योगिक रूप से उभरते राज्य उत्तराखंड के लिए यह प्रावधान विशेष रूप से उत्साहवर्धक है।

श्री अग्रवाल ने बजट में ईमानदार एवं नियमों का पालन करने वाले करदाताओं को दी गई राहत का भी स्वागत किया। उन्होंने कहा कि इससे पारदर्शिता बढ़ेगी, ईज ऑफ डूइंग बिज़नेस को मजबूती मिलेगी और स्वैच्छिक कर अनुपालन को प्रोत्साहन मिलेगा, जिससे उद्योग जगत का सरकार पर विश्वास और सुदृढ़ होगा।

हालाँकि, उन्होंने यह भी कहा कि फार्मास्युटिकल उद्योग को कुछ अतिरिक्त सेक्टर-विशिष्ट कर राहतों की अपेक्षा थी। यदि उत्पादन-आधारित प्रोत्साहन (PLI) या अतिरिक्त कर रियायतें दी जातीं, तो आवश्यक दवाओं की उपलब्धता और अधिक किफायती हो सकती थी।

भविष्य की रणनीति पर बात करते हुए श्री अग्रवाल ने सक्रिय दवा सामग्री (एपीआई) के मामले में चीन पर भारत की अत्यधिक निर्भरता को गंभीर चिंता का विषय बताया। उन्होंने कहा कि वर्तमान में लगभग 70 प्रतिशत एपीआई आयात चीन से किया जाता है। देश में सच्ची आत्मनिर्भरता प्राप्त करने के लिए सरकार को कर रियायतों, सब्सिडी, भूमि और बुनियादी ढांचे के सहयोग से घरेलू एपीआई उत्पादन को प्रोत्साहित करना चाहिए।

अंत में उन्होंने कहा कि केंद्रीय बजट–2026 एमएसएमई सशक्तिकरण, बायो-फार्मा क्षेत्र के विस्तार, जनस्वास्थ्य संरक्षण और ईमानदार करदाताओं के सम्मान की दिशा में एक संतुलित और विकासोन्मुखी बजट है। कुमाऊँ–गढ़वाल चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री का फार्मा चैप्टर इन पहलों का पूर्ण समर्थन करता है और भविष्य में उद्योग की व्यावहारिक एवं नीतिगत आवश्यकताओं के अनुरूप और सकारात्मक कदमों की अपेक्षा करता है।
चीनी मांझा बना मौत की डोर! यूपी में बैन, अब कटेगा गला तो मानी जाएगी हत्या
लखनऊ। उत्तर प्रदेश में जानलेवा साबित हो रहे चीनी मांझे के इस्तेमाल पर योगी सरकार ने सख्त रुख अपनाया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेशभर में चीनी मांझे के प्रयोग पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने के निर्देश दिए हैं। साथ ही स्पष्ट किया है कि चीनी मांझे से होने वाली मौतों को अब हत्या की श्रेणी में माना जाएगा।

चीनी मांझे से लखनऊ में एक युवक की मौत

यह फैसला राजधानी लखनऊ के बाजारखाला क्षेत्र में हुई एक दर्दनाक घटना के बाद लिया गया है, जहां पतंग की चीनी डोर से गला कटने के कारण एक युवक की मौत हो गई थी। हादसे में युवक की गर्दन की नस कट गई, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।मुख्यमंत्री ने इस मामले को बेहद गंभीर मानते हुए पुलिस अधिकारियों को पूरे प्रदेश में चीनी मांझे के निर्माण, बिक्री और इस्तेमाल के खिलाफ विशेष अभियान चलाकर छापेमारी करने के निर्देश दिए हैं। सीएम ने कहा कि इस संबंध में की गई कार्रवाई की उच्च स्तर पर समीक्षा की जाएगी।

इससे पहले भी चीनी मांझे से जुड़े कई हादसे सामने आ चुके

गौरतलब है कि इससे पहले भी चीनी मांझे से जुड़े कई हादसे सामने आ चुके हैं। हाल ही में हवा में उड़ती पतंग की डोर हाईटेंशन लाइन पर गिरने से मेट्रो सेवाएं बाधित हो गई थीं और मेट्रो ट्रेनें जहां की तहां रुक गई थीं।मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दो टूक कहा है कि चीनी मांझा न केवल गैरकानूनी है बल्कि यह आम जनता, राहगीरों और पशु-पक्षियों के लिए भी घातक साबित हो रहा है। ऐसे में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
नाम लिए बिना नड्डा का राहुल गांधी पर बड़ा हमला, बोले-कांग्रेस को अबोध बालक का बंधन न बनाएं

#parliamentuproarjpnaddawithoutnamingrahulgandhitold

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संसद के बजट सत्र में अमेरिका से डील और पूर्व सेना प्रमुख एमएम नरवणे की अप्रकाशित किताब पर सातवें दिन भी हंगामा जारी है। विपक्षी सांसद राहुल गांधी को लोकसभा में बोलने से रोके जाने पर हंगामा करते रहे। लोकसभा शुरू होने के साथ ही सांसदों ने नारेबाजी की। इसके बाद 65 सेकंड के अंदर ही कार्यवाही 12 बजे तक स्थगित कर दी गई। 12 बजे कार्यवाही शुरू हुई, 5 मिनट बाद ही 2 बजे तक स्थगित कर दी गई।

कांग्रेस पार्टी को अहंकार से बचने की सलाह

वहीं राज्यसभा में भी राहुल गांधी को बोलने से रोकने का मुद्दा उठाया गया। राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि राहुल गांधी को लोकसभा में बोलने नहीं दिया जा रहा है। इस पर जेपी नड्डा ने कहा कि लोकसभा की बात राज्यसभा मत करिए। कांग्रेस पार्टी को अहंकार से बचना चाहिए। पार्टी को अबोध बालक का बंधक न बनाएं।

नड्डा ने विपक्ष के रवैये पर उठाए सवाल

राज्यसभा की कार्यवाही शुरू होने पर सभापति की अनुमति से जेपी नड्डा ने अपनी बात रखी। उन्होंने कहा, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार हर समय और सभी विषयों पर चर्चा के लिए तैयार है। उन्होंने कहा कि लोकसभा में पीएम मोदी जवाब देने के लिए तैयार बैठे रहे, लेकिन विपक्ष ने लोकसभा को चलने नहीं दिया। जहां तक राज्यसभा का सवाल है, विपक्ष ने कहा कि सरकार भारत-अमेरिका व्यापार समझौते पर बयान दे

सेवा में रहते हुए बार-बार परीक्षा देने का रास्ता बंद, यूपीएससी ने बदले नियम

#afterpassingupsccandidateswillnolongerabletoappearfor_exam

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संघ लोकसेवा आयोग (यूपीएससी) ने सिविल सेवा परीक्षा 2026 का नोटिफिकेशन बुधवार को जारी किया है। आयोग ने इस बार प्रयास और पात्रता से जुड़े नियमों में भी बड़ा बदलाव किया गया है। नए प्रावधानों में सेवा में रहते हुए बार-बार परीक्षा देने का रास्ता बंद कर दिया गया है। यानी अब एक बार IAS, IPS या IFS बन गए तो बार-बार यूपीएससी का एग्जाम नहीं दे पाएंगे।

यूपीएससी के नए नियम के अनुसार, सिविल सर्विस ज्वॉइन करने वाले उम्मीदवारों को सिर्फ एक अटेंप्ट मिलेगा। वे तीसरी बार यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा के लिए अप्लाई नहीं कर सकते। नए नियम की शर्ते इस प्रकार हैं।

सिर्फ एक बार रैंक सुधारने का मौका

सिविल सर्विस एग्जाम-2026 में अगर ग्रुप-ए या फिर आईपीएस मिलती है, तो उम्मीदवार को सिर्फ एक बार यानी सीएसई-2027 में रैंक सुधारने का मौका मिलेगा। मौका तभी मिलेगा जब उम्मीदवार को ट्रेनिंग जॉइन न करने की वन टाइम एक्जेम्शन (एक बार की छूट) मिले।

छूट फाउंडेशन कोर्स तक सीमित

छूट फाउंडेशन कोर्स तक सीमित होगी। यदि उम्मीदवार न ट्रेनिंग जॉइन करता है, और न छूट लेता है, तो सीएसई-2026 और सीएसई-2027 दोनों के आधार पर मिली सेवा अपने आप रद्द हो जाएगी।

नए सेलेक्शन के बाद पुराना सेलेक्शन हो जाएगा कैंसिल

अगर कोई ऐसा उम्मीदवार यूपीएससी सीएसई-2027 में सेलेक्ट होता है, तो वह सीएसई -2026 या सीएसई -2027 के आधार पर अलॉट की गई सेवा को एक्सेप्ट कर सकता है और सीएसई -2027 के लिए निर्धारित ट्रेनिंग में शामिल हो सकता है। इस लेवल पर उसके द्वारा चुनी गई सेवा के अलावा अन्य सेवा का अलॉटमेंट रद्द कर दिया जाएगा। अगर उसे सीएसई -2027 के आधार पर कोई सेवा आवंटित नहीं की जाती है, तो वह सीएसई-2026 के माध्यम से आवंटित सेवा में शामिल हो सकता है।

विधायक जे एम अभ्यंकर की निधी से माध्यमिक एडेड स्कूलों में बांटे गए कंप्यूटर
मुंबई। महाराष्ट्र राज्य शिक्षक सेना अध्यक्ष तथा विधायक जेएम अभ्यंकर की विधायक निधी से 4 फरवरी को जोगेश्वरी पूर्व के सुरजबा विद्यालय में आयोजित कार्यक्रम में माध्यमिक एडेड स्कूलों में कंप्यूटर बांटे गए। इस मौके पर सैकड़ों स्कूल प्रिंसिपल, हेडमास्टर और टीचर मौजूद थे। इस मौके पर सुरजबा स्कूल के संस्थाचालक विक्रम पटेल, शक्ति सेवा संघ संस्था के हृदयनारायण मिश्रा, डालमिया कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ.दिगंबर गंजेवार, मुंबई विभाग अध्यक्ष अजीत चव्हाण, महासचिव मुरलीधर मोरे, मुंबई पश्चिम विभाग के अध्यक्ष हितेंद्र चौधरी, ज्ञानेश्वर ठाकरे, वैशाली भंडारकर, मनीषा काले, लहू कोकने,  अमरुद्दीन सोलकर, सरजेराव पाटिल, डोंगरदीवे,संजय डावरे और दूसरे पदाधिकारी मौजूद थे।
50वें इंडिया कारपेट एक्सपो में अब आएंगे अमेरिकी आयातक

*11 से 14 अप्रैल तक न‌ई दिल्ली में होगा आयोजन,रेसिप्रोकल टैरिफ के कारण बंद था कारोबार*


रिपोर्ट -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। अमेरिकी टैरिफ 50 प्रतिशत से घटकर 18 प्रतिशत होने के बाद निर्यातक अमेरिका के साथ भविष्य में बेहतर कारोबार की आशा जता रहे हैं। आगामी 11 से 14 अप्रैल तक नई दिल्ली में 50वां इंडिया कारपेट एक्सपो होना है। इसमें अब अमेरिकी आयातकों के आने की उम्मीद बढ़ गई है। निर्यातक अब एक्सपो में दोगुने उत्साह से भाग लेंगे। गत वर्ष अप्रैल में 25 प्रतिशत अमरीकी टैरिफ लागू हुआ।इसके बाद अगस्त में ट्रंप ने पुन: 25 प्रतिशत रेसिप्रोकल टैरिफ लगाकर सीधे 50 प्रतिशत कर दिया था। भदोही के कालीन निर्यातकों का कहना है कि कुल कारोबार में 60 प्रतिशत हिस्सेदारी अमेरिका की थी।
इस कारण निर्यातकों को सबसे ज्यादा नुकसान उठाना पड़ा था। भारत सरकार के प्रयासों से टैरिफ घटाकर अब 18 प्रतिशत किया गया है। बीते 10 महीने से गोदामों में जहां करोड़ों रुपये के माल डंप हो गए थे। कालीन कंपनियों ने इकाईयों से मजदूरों की छंटनी शुरू कर दी।
कालीन निर्यात संवर्धन परिषद सीईपीसी और ऑल इंडिया कारपेट मैनुफैक्चरर्स एसोसिएशन मानती है कि गत साल अक्तूबर में भदोही में हुए इंडिया कारपेट एक्सपो में आयातकों की अपेक्षित संख्या नहीं आ पाई थी।
इसका मुख्य कारण था कि टैरिफ के कारण हमारे कालीन 50 प्रतिशत तक महंगे हो गए थे। यदि लोग खरीदना भी चाहते तो ऊंची कीमत पर न खरीद पाते।
अब माना जा रहा है कि 18 प्रतिशत टैरिफ होने से भदोही के निर्यातक दोगुने उत्साह के साथ नई दिल्ली में होने वाले इंडिया कारपेट एक्सपो में भाग लेंगे। इससे कारोबार बढ़ेगा।
उत्तर प्रदेश: 11 जिलों के पुलिस कप्तान समेत 24 आईपीएस अधिकारियों के तबादले
लखनऊ। उत्तर प्रदेश पुलिस विभाग में बुधवार देर रात को पुलिस अधिकारियों का तबादला हुआ है। शासन ने 11 जिलों के पुलिस कप्तान समेत 24 आईपीएस अधिकारियों के स्थानांतरण किए हैं।

तबादले के क्रम में पुलिस महानिदेशक/ अपर पुलिस महानिदेशक लखनऊ जोन सुजीत पाण्डेय को पुलिस महानिदेशक अग्निशमन आपात सेवाएं मुख्यालय लखनऊ का पदभार सौंपा गया हैं। प्रवीण कुमार को पुलिस महानिदेशक/ पुलिस महानिरीक्षक अयोध्या परिक्षेत्र से हटाकर लखनऊ जोन का नया अपर पुलिस महानिदेशक बनाया है। के. एस. इमानुएल को पुलिस महानिरीक्षक ईओडब्ल्यू के पद से मुक्त करते हुए डीजीपी का जीएसओ नियुक्त किया है।

विनोद कुमार सिंह को संयुक्त पुलिस आयुक्त पुलिस कमिश्नरेट कानपुर नगर से पुलिस महानिरीक्षक डॉ. भीमराव अम्बेडकर पुलिस अकादमी मुरादाबाद, गाजियाबाद के पुलिस कमिश्नरेट में तैनात अपर पुलिस आयुक्त आलोक प्रियदर्शी को अपर पुलिस आयुक्त कमिश्नरेट वाराणसी, गोरखपुर के पुलिस उपमहानिरीक्षक/ वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक राजकरन नैयर को अपर पुलिस आयुक्त, पुलिस कमिश्नरेट गाजियाबाद बनाया है। सोमेन वर्मा को पुलिस उपमहानिरीक्षक/ वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक मीरजापुर से पुलिस उपमहानिरीक्षक आयोध्या बनाया हैं।

इसी तरह संकल्प शर्मा को पुलिस उपमहानिरीक्षक/पुलिस अधीक्षक खीरी से संयुक्त पुलिस आयुक्त पुलिस कमिश्नरेट कानपुर नगर, पुलिस उपमहानिरीक्षक/ वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक मेरठ में तैनात विपिन टाडा को संयुक्त पुलिस आयुक्त पुलिस कमिश्नरेट कानपुर नगर, पुलिस उपमहानिरीक्षक/पुलिस अधीक्षक पीलीभीत अभिषेक यादव को पुलिस उपमहानिरीक्षक एटीएस लखनऊ, पुलिस उपमहानिरीक्षक/वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक सहारनपुर में तैनात आशीष तिवारी को पुलिस उपमहानिरीक्षक तकनीकी सेवाएं लखनऊ, पुलिस उपमहानिरीक्षक/पुलिस अधीक्षक पीटीसी मुरादाबाद से प्रताप गोपेंद्र यादव को पुलिस उपमहानिरीक्षक पुलिस मुख्यालय लखनऊ में नवीन तैनाती दी गई है।

11 जिलों के पुलिस कप्तान बदले



शासन ने 11 जिलों के पुलिस कप्तान बदले है। इनमें कुंवर अनुपम सिंह को पुलिस अधीक्षक सुल्तानपुर से वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक जौनपुर बनाया है। ख्याति गर्ग को सेना नायक 9वीं वाहिनी पीसी मुरादाबाद से पुलिस अधीक्षक खीरी और यशवीर सिंह को रायबरेली से बस्ती का एसपी नियुक्त किया है। चारू निगम को सुल्तानपुर और अपर्णा रजत कौशिक को मीरजापुर की कमान सौंपी हैं। अभिनंदन को बस्ती से एसएसपी सहारनपुर, डा. कौस्तुभ को जौनपुर एसएसपी से गोरखपुर का नया पुलिस कप्तान बनाया है।

अविनाश पाण्डेय को सेना नायक 01 वीं वाहिनी एसएसफ लखनऊ से एसएसपी मेरठ, रवि कुमार रायबरेली सेना नायक 11वीं वाहिनी पीएसी सीतापुर से पुलिस अधीक्षक रायबरेली, सुकृीर्ति माधव को पुलिस अधीक्षक क्षेत्रीय अभिसूचना आगरा से एसपी पीलीभीत और सर्वानन टी को अपर पुलिस उपायुक्त वाराणसी पुलिस कमिश्नरेट से पुलिस अधीक्षक अमेठी बनाया हैं। संभल में तैनात अनुकृति शर्मा को अपर पुलिस उपायुक्त पुलिस कमिश्नरेट गौतमबुद्ध नगर नियुक्त किया है।
नगर में 15 को निकलेगी ऐतिहासिक शिव बारात

*क‌ई आकर्षक झांकियां भी होंगी शामिल*

नितेश श्रीवास्तव

भदोही। नगर स्थित बाबा बड़े शिव धाम में मां सिंह वाहिनी शृंगार समिति की बैठक हुई। इस दौरान महाशिवरात्रि पर्व को लेकर चर्चा की गई। प्रबंधक रामकृष्ण खट्टू ने बताया कि 15 फरवरी को महाशिवरात्रि पर्व पर मंदिर परिसर में महोत्सव का आयोजन किया जाएगा। साथ ही शोभायात्रा निकाली जाएगी। महाशिवरात्रि के दिन अनन्त कोटि ब्रा‌ह्माण्ड नायक देवों के देव महादेव बाबा भोलेनाथ का ऐतिहासिक एवं प्रसिद्ध शिव बारात 15 फरवरी रविवार को दोपहर में तीन बजे से निकाली जाएगी। जिसमें हाथी, घोड़े, बग्गी, भैसा, बैल, पक्षी, रथ, शंख, घड़ियाल, घंटा, मृदंग, तुरही, ढोलक, मजीरा, तासा, बाजा आदि रहेगा।भगवान विष्णु, ब्रन्हा, नन्दी, गणेश, सूर्य, चन्द्र, वरूण के साथ भगवान शिव की मनमोहक झांकी निकाली जाएगी। बारात में भूत, प्रेत, पिशाच भी रहेंगे। यात्रा शिव धाम से काली मोहाल, खड़ह‌ट्टी मोहाल, अंजही मोहाल, बाबा कबूतरनाथ, केड़वरिया, सदर मोहाल, जीटी रोड चौराहा, जोगीबीर मंदिर पडाव, बरगदा हनुमान, पश्चिम मोहाल, सदर मोहाल, ज्ञानपुर रोड, पेट्रोल पम्प, मिर्जापुर तिराहा, सिनेमा रोड होते हुए बाबा बड़े शिव धाम वापस जाकर समाप्त होगी। इस मौके पर पूर्व चेयरमैन प्रह्लाददास गुप्ता, उदयभान सिंह, आशीष सिंह, राजकुमार कौशल, आलोक अग्रवाल, सत्य प्रकाश मौर्य, विजय कुमार मोदनवाल, मोहित कुमार रहे।
एपीआई उत्पादन से ही फार्मा क्षेत्र में सच्ची आत्मनिर्भरता संभव : मुदित अग्रवाल
कुमाऊं, उत्तराखंड। कुमाऊँ–गढ़वाल चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के अध्यक्ष, उत्तराखंड फार्मा चैप्टर प्रमुख एवं एग्रोन रेमेडीज प्राइवेट लिमिटेड के निदेशक मुदित अग्रवाल ने केंद्रीय बजट–2026 को प्रगतिशील, संतुलित और उद्योगोन्मुखी बताते हुए केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण एवं भारत सरकार का आभार व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि यह बजट न केवल आर्थिक विकास को गति देगा, बल्कि स्वास्थ्य, एमएसएमई और बायो-फार्मास्युटिकल जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों के प्रति सरकार की गंभीर प्रतिबद्धता को भी दर्शाता है।

श्री अग्रवाल ने कैंसर रोधी दवाओं पर करों में की गई कटौती को अत्यंत सराहनीय और स्वागतयोग्य कदम बताया। उन्होंने कहा कि कैंसर जैसी गंभीर बीमारी के इलाज में दवाओं की ऊँची कीमत एक बड़ी चुनौती होती है। कर राहत से जीवनरक्षक दवाओं की लागत में कमी आएगी, जिससे आम मरीजों को सीधा लाभ मिलेगा। यह निर्णय सरकार की मानवीय सोच और जनस्वास्थ्य को प्राथमिकता देने वाले दृष्टिकोण को दर्शाता है।

उन्होंने एमएसएमई क्षेत्र के लिए 2,000 करोड़ रुपये के विशेष आवंटन, विशेषकर बायो-फार्मा एवं लाइफ साइंसेज उद्योग पर केंद्रित समर्थन को दूरदर्शी पहल बताया। उनके अनुसार इससे छोटे एवं मध्यम फार्मा उद्यमों को तकनीकी उन्नयन, आधुनिक मशीनरी, गुणवत्ता मानकों के अनुपालन, अनुसंधान एवं विकास तथा नवाचार को बढ़ावा मिलेगा। साथ ही, इससे रोजगार सृजन को भी बल मिलेगा। औद्योगिक रूप से उभरते राज्य उत्तराखंड के लिए यह प्रावधान विशेष रूप से उत्साहवर्धक है।

श्री अग्रवाल ने बजट में ईमानदार एवं नियमों का पालन करने वाले करदाताओं को दी गई राहत का भी स्वागत किया। उन्होंने कहा कि इससे पारदर्शिता बढ़ेगी, ईज ऑफ डूइंग बिज़नेस को मजबूती मिलेगी और स्वैच्छिक कर अनुपालन को प्रोत्साहन मिलेगा, जिससे उद्योग जगत का सरकार पर विश्वास और सुदृढ़ होगा।

हालाँकि, उन्होंने यह भी कहा कि फार्मास्युटिकल उद्योग को कुछ अतिरिक्त सेक्टर-विशिष्ट कर राहतों की अपेक्षा थी। यदि उत्पादन-आधारित प्रोत्साहन (PLI) या अतिरिक्त कर रियायतें दी जातीं, तो आवश्यक दवाओं की उपलब्धता और अधिक किफायती हो सकती थी।

भविष्य की रणनीति पर बात करते हुए श्री अग्रवाल ने सक्रिय दवा सामग्री (एपीआई) के मामले में चीन पर भारत की अत्यधिक निर्भरता को गंभीर चिंता का विषय बताया। उन्होंने कहा कि वर्तमान में लगभग 70 प्रतिशत एपीआई आयात चीन से किया जाता है। देश में सच्ची आत्मनिर्भरता प्राप्त करने के लिए सरकार को कर रियायतों, सब्सिडी, भूमि और बुनियादी ढांचे के सहयोग से घरेलू एपीआई उत्पादन को प्रोत्साहित करना चाहिए।

अंत में उन्होंने कहा कि केंद्रीय बजट–2026 एमएसएमई सशक्तिकरण, बायो-फार्मा क्षेत्र के विस्तार, जनस्वास्थ्य संरक्षण और ईमानदार करदाताओं के सम्मान की दिशा में एक संतुलित और विकासोन्मुखी बजट है। कुमाऊँ–गढ़वाल चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री का फार्मा चैप्टर इन पहलों का पूर्ण समर्थन करता है और भविष्य में उद्योग की व्यावहारिक एवं नीतिगत आवश्यकताओं के अनुरूप और सकारात्मक कदमों की अपेक्षा करता है।
कांदिवली में बालकोत्सव 2025– 2026 का भव्य आयोजन सम्पन्न
मुंबई। बृहन्मुंबई महानगरपालिका शिक्षण विभाग द्वारा आर/दक्षिण विभाग ,कांदिवली के
एम.पी.एस. बजाज रोड स्कूल में बालकोत्सव, लोकनृत्य प्रतियोगिता 2025– 2026 का भव्य आयोजन किया गया। बच्चों में छिपी प्रतिभाओं को मंच प्रदान करने वाले इस उत्सव में विद्यार्थियों ने अपनी रुचि की कलाओं का प्रदर्शन कर उपस्थित अभिभावकों एवं नागरिकों का ध्यान आकर्षित किया। इस प्रकार की गतिविधियों से विद्यार्थियों के व्यक्तित्व विकास को प्रोत्साहन मिलता है। इस बालकोत्सव कार्यक्रम में उप शिक्षणाधिकारी (पश्चिम उपनगर) दीपिका पाटील,ममता राव, उप शिक्षणाधिकारी (लोकसहभाग कक्ष) मुख्तार शहा, (अधीक्षक) तौहीद शेख,(कनिष्ठ पर्यवेक्षक) राजेश शिंदे, (प्रशासकिय अधिकारी)अशफाक शाह, विभाग निरीक्षक राजेश बुजड,तथा विभाग निरीक्षक मीना कवळे  उपस्थित रहे। विभिन्न मनपा स्कूलों के बच्चों ने सुंदर कार्यक्रम प्रस्तुत किए।
एपीआई उत्पादन से ही फार्मा क्षेत्र में सच्ची आत्मनिर्भरता संभव : मुदित अग्रवाल
कुमाऊं, उत्तराखंड। कुमाऊँ–गढ़वाल चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के अध्यक्ष, उत्तराखंड फार्मा चैप्टर प्रमुख एवं एग्रोन रेमेडीज प्राइवेट लिमिटेड के निदेशक मुदित अग्रवाल ने केंद्रीय बजट–2026 को प्रगतिशील, संतुलित और उद्योगोन्मुखी बताते हुए केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण एवं भारत सरकार का आभार व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि यह बजट न केवल आर्थिक विकास को गति देगा, बल्कि स्वास्थ्य, एमएसएमई और बायो-फार्मास्युटिकल जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों के प्रति सरकार की गंभीर प्रतिबद्धता को भी दर्शाता है।

श्री अग्रवाल ने कैंसर रोधी दवाओं पर करों में की गई कटौती को अत्यंत सराहनीय और स्वागतयोग्य कदम बताया। उन्होंने कहा कि कैंसर जैसी गंभीर बीमारी के इलाज में दवाओं की ऊँची कीमत एक बड़ी चुनौती होती है। कर राहत से जीवनरक्षक दवाओं की लागत में कमी आएगी, जिससे आम मरीजों को सीधा लाभ मिलेगा। यह निर्णय सरकार की मानवीय सोच और जनस्वास्थ्य को प्राथमिकता देने वाले दृष्टिकोण को दर्शाता है।

उन्होंने एमएसएमई क्षेत्र के लिए 2,000 करोड़ रुपये के विशेष आवंटन, विशेषकर बायो-फार्मा एवं लाइफ साइंसेज उद्योग पर केंद्रित समर्थन को दूरदर्शी पहल बताया। उनके अनुसार इससे छोटे एवं मध्यम फार्मा उद्यमों को तकनीकी उन्नयन, आधुनिक मशीनरी, गुणवत्ता मानकों के अनुपालन, अनुसंधान एवं विकास तथा नवाचार को बढ़ावा मिलेगा। साथ ही, इससे रोजगार सृजन को भी बल मिलेगा। औद्योगिक रूप से उभरते राज्य उत्तराखंड के लिए यह प्रावधान विशेष रूप से उत्साहवर्धक है।

श्री अग्रवाल ने बजट में ईमानदार एवं नियमों का पालन करने वाले करदाताओं को दी गई राहत का भी स्वागत किया। उन्होंने कहा कि इससे पारदर्शिता बढ़ेगी, ईज ऑफ डूइंग बिज़नेस को मजबूती मिलेगी और स्वैच्छिक कर अनुपालन को प्रोत्साहन मिलेगा, जिससे उद्योग जगत का सरकार पर विश्वास और सुदृढ़ होगा।

हालाँकि, उन्होंने यह भी कहा कि फार्मास्युटिकल उद्योग को कुछ अतिरिक्त सेक्टर-विशिष्ट कर राहतों की अपेक्षा थी। यदि उत्पादन-आधारित प्रोत्साहन (PLI) या अतिरिक्त कर रियायतें दी जातीं, तो आवश्यक दवाओं की उपलब्धता और अधिक किफायती हो सकती थी।

भविष्य की रणनीति पर बात करते हुए श्री अग्रवाल ने सक्रिय दवा सामग्री (एपीआई) के मामले में चीन पर भारत की अत्यधिक निर्भरता को गंभीर चिंता का विषय बताया। उन्होंने कहा कि वर्तमान में लगभग 70 प्रतिशत एपीआई आयात चीन से किया जाता है। देश में सच्ची आत्मनिर्भरता प्राप्त करने के लिए सरकार को कर रियायतों, सब्सिडी, भूमि और बुनियादी ढांचे के सहयोग से घरेलू एपीआई उत्पादन को प्रोत्साहित करना चाहिए।

अंत में उन्होंने कहा कि केंद्रीय बजट–2026 एमएसएमई सशक्तिकरण, बायो-फार्मा क्षेत्र के विस्तार, जनस्वास्थ्य संरक्षण और ईमानदार करदाताओं के सम्मान की दिशा में एक संतुलित और विकासोन्मुखी बजट है। कुमाऊँ–गढ़वाल चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री का फार्मा चैप्टर इन पहलों का पूर्ण समर्थन करता है और भविष्य में उद्योग की व्यावहारिक एवं नीतिगत आवश्यकताओं के अनुरूप और सकारात्मक कदमों की अपेक्षा करता है।
चीनी मांझा बना मौत की डोर! यूपी में बैन, अब कटेगा गला तो मानी जाएगी हत्या
लखनऊ। उत्तर प्रदेश में जानलेवा साबित हो रहे चीनी मांझे के इस्तेमाल पर योगी सरकार ने सख्त रुख अपनाया है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेशभर में चीनी मांझे के प्रयोग पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने के निर्देश दिए हैं। साथ ही स्पष्ट किया है कि चीनी मांझे से होने वाली मौतों को अब हत्या की श्रेणी में माना जाएगा।

चीनी मांझे से लखनऊ में एक युवक की मौत

यह फैसला राजधानी लखनऊ के बाजारखाला क्षेत्र में हुई एक दर्दनाक घटना के बाद लिया गया है, जहां पतंग की चीनी डोर से गला कटने के कारण एक युवक की मौत हो गई थी। हादसे में युवक की गर्दन की नस कट गई, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।मुख्यमंत्री ने इस मामले को बेहद गंभीर मानते हुए पुलिस अधिकारियों को पूरे प्रदेश में चीनी मांझे के निर्माण, बिक्री और इस्तेमाल के खिलाफ विशेष अभियान चलाकर छापेमारी करने के निर्देश दिए हैं। सीएम ने कहा कि इस संबंध में की गई कार्रवाई की उच्च स्तर पर समीक्षा की जाएगी।

इससे पहले भी चीनी मांझे से जुड़े कई हादसे सामने आ चुके

गौरतलब है कि इससे पहले भी चीनी मांझे से जुड़े कई हादसे सामने आ चुके हैं। हाल ही में हवा में उड़ती पतंग की डोर हाईटेंशन लाइन पर गिरने से मेट्रो सेवाएं बाधित हो गई थीं और मेट्रो ट्रेनें जहां की तहां रुक गई थीं।मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दो टूक कहा है कि चीनी मांझा न केवल गैरकानूनी है बल्कि यह आम जनता, राहगीरों और पशु-पक्षियों के लिए भी घातक साबित हो रहा है। ऐसे में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
नाम लिए बिना नड्डा का राहुल गांधी पर बड़ा हमला, बोले-कांग्रेस को अबोध बालक का बंधन न बनाएं

#parliamentuproarjpnaddawithoutnamingrahulgandhitold

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संसद के बजट सत्र में अमेरिका से डील और पूर्व सेना प्रमुख एमएम नरवणे की अप्रकाशित किताब पर सातवें दिन भी हंगामा जारी है। विपक्षी सांसद राहुल गांधी को लोकसभा में बोलने से रोके जाने पर हंगामा करते रहे। लोकसभा शुरू होने के साथ ही सांसदों ने नारेबाजी की। इसके बाद 65 सेकंड के अंदर ही कार्यवाही 12 बजे तक स्थगित कर दी गई। 12 बजे कार्यवाही शुरू हुई, 5 मिनट बाद ही 2 बजे तक स्थगित कर दी गई।

कांग्रेस पार्टी को अहंकार से बचने की सलाह

वहीं राज्यसभा में भी राहुल गांधी को बोलने से रोकने का मुद्दा उठाया गया। राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि राहुल गांधी को लोकसभा में बोलने नहीं दिया जा रहा है। इस पर जेपी नड्डा ने कहा कि लोकसभा की बात राज्यसभा मत करिए। कांग्रेस पार्टी को अहंकार से बचना चाहिए। पार्टी को अबोध बालक का बंधक न बनाएं।

नड्डा ने विपक्ष के रवैये पर उठाए सवाल

राज्यसभा की कार्यवाही शुरू होने पर सभापति की अनुमति से जेपी नड्डा ने अपनी बात रखी। उन्होंने कहा, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व वाली सरकार हर समय और सभी विषयों पर चर्चा के लिए तैयार है। उन्होंने कहा कि लोकसभा में पीएम मोदी जवाब देने के लिए तैयार बैठे रहे, लेकिन विपक्ष ने लोकसभा को चलने नहीं दिया। जहां तक राज्यसभा का सवाल है, विपक्ष ने कहा कि सरकार भारत-अमेरिका व्यापार समझौते पर बयान दे

सेवा में रहते हुए बार-बार परीक्षा देने का रास्ता बंद, यूपीएससी ने बदले नियम

#afterpassingupsccandidateswillnolongerabletoappearfor_exam

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संघ लोकसेवा आयोग (यूपीएससी) ने सिविल सेवा परीक्षा 2026 का नोटिफिकेशन बुधवार को जारी किया है। आयोग ने इस बार प्रयास और पात्रता से जुड़े नियमों में भी बड़ा बदलाव किया गया है। नए प्रावधानों में सेवा में रहते हुए बार-बार परीक्षा देने का रास्ता बंद कर दिया गया है। यानी अब एक बार IAS, IPS या IFS बन गए तो बार-बार यूपीएससी का एग्जाम नहीं दे पाएंगे।

यूपीएससी के नए नियम के अनुसार, सिविल सर्विस ज्वॉइन करने वाले उम्मीदवारों को सिर्फ एक अटेंप्ट मिलेगा। वे तीसरी बार यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा के लिए अप्लाई नहीं कर सकते। नए नियम की शर्ते इस प्रकार हैं।

सिर्फ एक बार रैंक सुधारने का मौका

सिविल सर्विस एग्जाम-2026 में अगर ग्रुप-ए या फिर आईपीएस मिलती है, तो उम्मीदवार को सिर्फ एक बार यानी सीएसई-2027 में रैंक सुधारने का मौका मिलेगा। मौका तभी मिलेगा जब उम्मीदवार को ट्रेनिंग जॉइन न करने की वन टाइम एक्जेम्शन (एक बार की छूट) मिले।

छूट फाउंडेशन कोर्स तक सीमित

छूट फाउंडेशन कोर्स तक सीमित होगी। यदि उम्मीदवार न ट्रेनिंग जॉइन करता है, और न छूट लेता है, तो सीएसई-2026 और सीएसई-2027 दोनों के आधार पर मिली सेवा अपने आप रद्द हो जाएगी।

नए सेलेक्शन के बाद पुराना सेलेक्शन हो जाएगा कैंसिल

अगर कोई ऐसा उम्मीदवार यूपीएससी सीएसई-2027 में सेलेक्ट होता है, तो वह सीएसई -2026 या सीएसई -2027 के आधार पर अलॉट की गई सेवा को एक्सेप्ट कर सकता है और सीएसई -2027 के लिए निर्धारित ट्रेनिंग में शामिल हो सकता है। इस लेवल पर उसके द्वारा चुनी गई सेवा के अलावा अन्य सेवा का अलॉटमेंट रद्द कर दिया जाएगा। अगर उसे सीएसई -2027 के आधार पर कोई सेवा आवंटित नहीं की जाती है, तो वह सीएसई-2026 के माध्यम से आवंटित सेवा में शामिल हो सकता है।

विधायक जे एम अभ्यंकर की निधी से माध्यमिक एडेड स्कूलों में बांटे गए कंप्यूटर
मुंबई। महाराष्ट्र राज्य शिक्षक सेना अध्यक्ष तथा विधायक जेएम अभ्यंकर की विधायक निधी से 4 फरवरी को जोगेश्वरी पूर्व के सुरजबा विद्यालय में आयोजित कार्यक्रम में माध्यमिक एडेड स्कूलों में कंप्यूटर बांटे गए। इस मौके पर सैकड़ों स्कूल प्रिंसिपल, हेडमास्टर और टीचर मौजूद थे। इस मौके पर सुरजबा स्कूल के संस्थाचालक विक्रम पटेल, शक्ति सेवा संघ संस्था के हृदयनारायण मिश्रा, डालमिया कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ.दिगंबर गंजेवार, मुंबई विभाग अध्यक्ष अजीत चव्हाण, महासचिव मुरलीधर मोरे, मुंबई पश्चिम विभाग के अध्यक्ष हितेंद्र चौधरी, ज्ञानेश्वर ठाकरे, वैशाली भंडारकर, मनीषा काले, लहू कोकने,  अमरुद्दीन सोलकर, सरजेराव पाटिल, डोंगरदीवे,संजय डावरे और दूसरे पदाधिकारी मौजूद थे।