राजनीति विज्ञान विभाग में फेयरवेल का आयोजन हुआ
सुलतानपुर। राणा प्रताप महाविद्यालय में राजनीति विज्ञान विभाग के छात्र छात्राओं के द्वारा स्नातक और परास्नातक अंतिम वर्ष के छात्रों के लिए विदाई समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का प्रारंभ मां सरस्वती और महाराणा प्रताप के पूजन से हुआ I महाविद्यालय के प्राचार्य प्रोफेसर डी. के. त्रिपाठी, मुख्य कुलानुशासक प्रोफेसर शैलेंद्र प्रताप सिंह, राजनीति के विज्ञान विभाग के असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. आलोक पाण्डेय, डॉ. मंजू ठाकुर एवं डॉ. अंजना सिंह ने चित्रों पर पुष्प अर्पण किया I अपने उद्बोधन में महाविद्यालय के प्राचार्य प्रोफेसर डी के त्रिपाठी ने कहा की राजनीति विज्ञान एक ऐसा विषय है जो प्रतियोगी परीक्षाओं में अत्यंत महत्वपूर्ण स्थान रखता है I अंतिम वर्ष के छात्रों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा की जीवन में निरंतर प्रयास करते रहना चाहिए जब तक सफलता के रूप में मंजिल प्राप्त न हो जाएI मुख्य कुलानुशासक प्रोफेसर शैलेंद्र प्रताप ने कहा कि लक्ष्य निर्धारित करना ही महत्वपूर्ण नहीं है, आवश्यकता है लक्ष्य के प्रति समर्पण की। डॉ. आलोक पाण्डेय ने कहा की जीवन में अनुभव का लाभ उठाएं क्योंकि अनुभव निश्चित रूप में हमें सिखाने का कार्य करते हैं। डॉ. मंजू ठाकुर ने कहा की जीवन पथ पर आगे बढ़ने के लिए महाविद्यालय में  सीखा हुआ हर एक पाठ निश्चित रूप से मार्ग प्रशस्त करता है और मंजिल तक पहुंचने में सहायक होता है। यद्यपि कॉलेज पूरा होने के बाद विद्यार्थी नई विधा की ओर अग्रसारित होते हैं लेकिन सत्य यह है कि गुरु और शिष्य का संबंध जीवन भर का होता है जब भी शिष्य किसी भी प्रकार का मार्गदर्शन चाहता है तो निश्चित रूप से शिक्षकों का सानिध्य उन्हें प्राप्त होता है। कार्यक्रम में शिवानी, साक्षी, शशि, दीपांशु, कुलदीप, अर्जुन आदि छात्र छात्राओं ने अपना अनुभव सबके समक्ष रखा I कार्यक्रम में समूह नृत्य एकल नृत्य एवं छात्र-छात्राओं के द्वारा गीत प्रस्तुत किया गया शिवानी अर्जुन, दीपांशु,एवं नैना वर्मा को विशेष प्रस्तुति के लिए पुरस्कृत किया गया। कार्यक्रम का सफल संचालन परास्नातक की छात्रा नंदिनी एवं स्नातक की छात्रा शिखा ने किया।
गुरुचरन कौर स्कूल का शत- प्रतिशत परिणाम,कृतिका 95.8% के साथ अव्वल
*टॉप-3 में छात्राओं का कब्जा, कृतिका,अलीज़ा व शिफा ने किया नाम रोशन*

*62 विद्यार्थियों ने दी परीक्षा, सभी प्रथम श्रेणी में सफल*

सुलतानपुर।आईसीएसई बोर्ड की हाईस्कूल (10वीं) परीक्षा का परिणाम गुरुवार 30 अप्रैल 2026 को घोषित किया गया। इसमें गुरुचरन कौर पब्लिक स्कूल के विद्यार्थियों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए शत-प्रतिशत परिणाम दर्ज किया।विद्यालय के कुल 62 परीक्षार्थियों ने परीक्षा दी, जिनमें 23 छात्र एवं 39 छात्राएं शामिल थीं। सभी विद्यार्थियों ने प्रथम श्रेणी में परीक्षा उत्तीर्ण कर विद्यालय का नाम रोशन किया।परीक्षा परिणाम में कृतिका पाण्डेय ने 95.8 प्रतिशत अंक प्राप्त कर विद्यालय में प्रथम स्थान हासिल किया। अलीज़ा फातिमा 95 प्रतिशत अंकों के साथ द्वितीय एवं शिफा आसिफ 92.8 प्रतिशत अंकों के साथ तृतीय स्थान पर रहीं। वहीं उत्कृष्ट यादव, अनुष्का यादव एवं सुनिधी मिश्रा 92.4 प्रतिशत अंकों के साथ संयुक्त रूप से चतुर्थ स्थान पर रहीं। दक्ष श्रीवास्तव 91.8 प्रतिशत अंकों के साथ पांचवें स्थान पर रहे। आराध्या अग्रवाल एवं यशस्वी यादव 91 प्रतिशत अंकों के साथ छठे स्थान पर तथा शाश्वत दीप 90.5 प्रतिशत अंकों के साथ सातवें स्थान पर रहे।
परिणाम घोषित होते ही विद्यालय में खुशी का माहौल छा गया। प्रधानाचार्या तेजिंदर कौर एवं समस्त शिक्षक- शिक्षिकाओं ने विद्यार्थियों को मिठाई खिलाकर बधाई दी तथा उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
महाराष्ट्र दिवस पर उत्तर भारतीय संघ का परोपकार, 100 महिलाओं को सिलाई मशीन का उपहार
मुंबई। उत्तर भारतीय समाज के संगठन, विकास और सम्मान के प्रति समर्पित सबसे बड़ी और सबसे पुरानी संस्था उत्तर भारतीय संघ ने विगत वर्षों की तरह इस वर्ष भी महाराष्ट्र दिवस (1 मई) के गौरवपूर्ण अवसर पर बांद्रा पूर्व स्थित उत्तर भारतीय संघ भवन में नारी शक्ति सम्मान समारोह करने जा रहा है। संस्था के अध्यक्ष संतोष आरएन सिंह ने बताया कि 100 जरूरतमंद महिलाओं को सिलाई मशीन का उपहार देकर उन्हें आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र हमारी कर्मभूमि है। महाराष्ट्र की मिट्टी ने हम सबको बहुत कुछ दिया है। हमें यहां से उतना ही प्यार है, जितना प्यार हम अपनी जन्मभूमि से करते हैं। यही कारण है कि उत्तर भारतीय संघ विगत कई वर्षों से पूरे उत्साह और हर्ष के साथ महाराष्ट्र दिवस का भव्य आयोजन करता आ रहा है। दोपहर 12 बजे से आयोजित इस कार्यक्रम में महाराष्ट्र दिवस से जुड़े गीतों की भी शानदार प्रस्तुति की जाएगी।
371 वक्फ संपत्तियों का पंजीकरण निरस्त,दस्तावेजों में कमी के कारण हुई कार्रवाई

*5 जून तक पुनः पंजीकरण कराने के निर्देश

गोंडा।जिले में सुन्नी सेंट्रल वक्फ बोर्ड ने वक्फ संपत्तियों को लेकर बड़ी कार्रवाई करते हुए 371 वक्फ संपत्तियों का पंजीकरण तत्काल प्रभाव से रद्द कर दिया है।यह कार्रवाई वक्फ दस्तावेजों में खामियों और आवश्यक जानकारी के अभाव में की गयी है।प्रशासन ने धार्मिक सामुदायिक संपत्तियों के प्रबंधन में पारदर्शिता लाने के लिए यह कदम उठाया गया है।केंद्र सरकार ने वक्फ संपत्तियों के डिजिटलीकरण और पारदर्शिता के लिए उम्मीद (UMMEED) पोर्टल पर पंजीकरण प्रक्रिया शुरू किया था।इस दौरान पंजीकरण तिथि, क्षेत्रफल,स्थापना का समय व मुतवल्ली (प्रबंधक) की शैक्षिक योग्यता व नियुक्ति पत्र जैसे महत्वपूर्ण दस्तावेज मांगे गये थे।निर्धारित सूचनाएं एवं पूर्ण जानकारी उपलब्ध न होने के कारण बोर्ड ने इन संपत्तियों का पंजीकरण निरस्त करने का निर्णय लिया है।हालांकि यह रद्दीकरण अंतिम नहीं है।बोर्ड ने प्रभावित पक्षकारों और प्रबंधकों को अपनी गलतियां सुधारने का अवसर दिया गया है। जिन संपत्तियों का रद्दीकरण हुआ है,उनके आवेदक 5 जून तक सभी आवश्यक दस्तावेजों के साथ उम्मीद पोर्टल पर दोबारा आवेदन कर सकते हैं।दोबारा पंजीकरण के लिए आवश्यक पहचान पत्र, पासपोर्ट साइज फोटो,पते का प्रमाण,मुतवल्ली का नियुक्ति पत्र,मोबाइल नंबर, ईमेल आईडी,धर्म और शैक्षिक योग्यता का विवरण देना अनिवार्य होगा।विभागीय सूत्रों व वक्फ निरीक्षक के अनुसार, इस कार्रवाई से प्रभावित होने वाली वक्फ संपत्तियों में सबसे अधिक संख्या कब्रिस्तानों व मस्जिदों की है।सूची में छोटे मुहल्लों की मस्जिदों से लेकर बड़े सार्वजनिक कब्रिस्तान,मदरसे, ईदगाह,इमामबाड़ा,दरगाह और आय अर्जित करने वाली व्यवसायिक वक्फ संपत्तियां भी शामिल हैं।बताते चलें कि जिले में लगभग 1100 से अधिक वक्फ संपत्तियां सूचीबद्ध की गई थीं,जिनमें एक तिहाई से अधिक पर कार्रवाई हुई है।प्रशासन का मुख्य उद्देश्य वक्फ संपत्तियों के रिकॉर्ड को पारदर्शी बनाना और अवैध कब्जों या गलत प्रबंधन को रोकना है।अब सभी की नजरें 5 जून की समय सीमा पर टिकी हुई हैं,ताकि इन धार्मिक स्थलों का वैधानिक दर्जा बहाल हो सके।जिले के वक्फ निरीक्षक अनिल कुमार ने पुष्टि किया है कि 371 संपत्तियों का पंजीकरण खामियों के कारण निरस्त किया गया है।
रेप से गर्भवती नाबालिग के गर्भपात पर सुप्रीम कोर्ट की अहम टिप्पमी, कहा- नियमों में बदलाव की जरूरत

#supremecourtslamscentreoverterminationofteenrapevictimpregnancy

गुरुवार को सुप्रीम कोर्ट में 15 साल की रेप पीड़िता के 31 हफ्ते के गर्भ को समाप्त कराने के मामले पर गंभीर बहस हुई। इस मामले में सुप्रीम कोर्ट ने बड़ी टिप्पणी की। कोर्ट ने कहा केंद्र को बच्चों से रेप के मामले में गर्भपात कानून में बदलाव करना चाहिए।

सुप्रीम कोर्ट में एम्स ने एक क्यूरेटिव याचिका दायर की है। जिसमें उसने अपने ही उस फैसले के खिलाफ अपील की है, जिसमें 15 साल की लड़की को 30 हफ्ते की प्रेग्नेंसी खत्म करने की इजाजत दी गई थी। सुप्रीम ने सुनवाई के बाद कहा, अगर मां को कोई परमानेंट डिसेबिलिटी नहीं है, तो प्रेग्नेंसी खत्म करने की प्रक्रिया पूरी की जानी चाहिए।

कानून को समय के अनुसार विकसित होना चाहिए- कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट कहा कि कानून को समय के साथ बदलना चाहिए और रेप से जुड़े मामलों में गर्भपात कराने की समय सीमा नहीं होनी चाहिए। मुख्य न्यायाधीश ने मामले की सुनवाई करते हुए कहा कि जब गर्भावस्था रेप के कारण हो, तो समय सीमा नहीं होनी चाहिए। कानून को समय के अनुसार विकसित होना चाहिए।

पीड़िता और परिवार के फैसले का सम्मान जरूरी-कोर्ट

कोर्ट ने सरकार से कहा कि ऐसे मामलों में पीड़िता और उसके परिवार के फैसले का सम्मान किया जाना चाहिए, न कि उन्हें कानून की सीमाओं में बांधकर मजबूर किया जाना चाहिए। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि एम्स जैसी संस्थाएं परिवार को गाइड कर सकती हैं, ताकि वे सोच-समझकर फैसला ले सकें।

पीड़िता पर अनचाही प्रेग्नेंसी थोपी नहीं जा सकती-कोर्ट

कोर्ट ने इस बात पर जोर दिया कि किसी पीड़िता पर अनचाही प्रेग्नेंसी थोपी नहीं जा सकती और इसमें होने वाले इमोशनल और फिजिकल ट्रॉमा को भी हाईलाइट किया अदालत ने यह भी कहा कि किसी भी पीडिता के मानसिक और शारीरिक दर्द की भरपाई संभव नहीं है। पीड़िता को जिंदगी भर इसका जख्म और ट्रॉमा झेलना पड़ेगा। जरा सोचिए, वह अभी एक बच्ची है। इस समय उसे पढ़ना चाहिए, लेकिन हम उसे मां बनाना चाहते हैं।

क्या बंगाल से ममता दीदी की विदाई तय, 4 मई को आ रही नई सरकार?

#westbengalexitpollresult

पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में कुल 294 सीटों पर दो चरणों में वोट डाले गए। पहले चरण में 152 सीटों पर 23 अप्रैल को और दूसरे चरण में 142 सीटों पर 29 अप्रैल को मतदान हुआ। मतगणना 4 मई को होगी। इस बीच दूसरे चरण की वोटिंग खत्म होते ही एग्जिट पोल के आंकड़े सामने आ गए हैं। एग्जिट पोल की मानें तो बंगाल से दीदी की विदाई तय हो गई है।

बंगाल की जनता चाहती है बदलाव?

बंगाल के रण में इस बार ममता बनर्जी का जादू चलता नहीं दिख रहा है। प्रमुख एग्जिट पोल्स ने साफ कर दिया है कि बंगाल की जनता ने परिवर्तन का मन बना लिया है। 2021 में जिस भाजपा को दीदी ने पटखनी दी थी, वही भाजपा 2026 में सुनामी बनकर लौटती दिख रही है।

टीएमसी वाली राजनीति का युग अब अंत की ओर है?

राजनीतिक गलियारों में चर्चा तेज है कि ममता बनर्जी अपनी सत्ता बचाने के लिए जो दांव चल रही थीं, वे उलटे पड़ गए हैं। इन आंकड़ों ने न केवल टीएमसी के कैंप में सन्नाटा पसरा दिया है, बल्कि राजनीतिक पंडितों को भी यह सोचने पर मजबूर कर दिया है कि क्या बंगाल में दशकों पुरानी वामपंथी और फिर टीएमसी वाली राजनीति का युग अब अंत की ओर है?

क्या कह रहे एग्जिट पोल के आंकड़े

जेवीसी के एग्जिट पोल के अनुसार, पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) और भाजपा के बीच कांटे की टक्कर है। टीएमसी को 131 से 152 सीटें मिलने का अनुमान है, जबकि भाजपा को 138 से 159 सीटें मिल सकती हैं। कांग्रेस के खाते में 0 से 2 सीटें जाने का अनुमान है, जबकि वाम दलों और अन्य के खाते में कोई सीट जाती नहीं दिख रही है। वहीं, जनमत पोल्स के एग्जिट पोल में टीएमसी को 195 से 205 सीटें मिलने का अनुमान है, जबकि भाजपा को 80 से 90 सीटें मिल सकती हैं। कांग्रेस को 1 से 3 सीटें मिलने की संभावना है। वाम दलों को 0 से 1 सीट और अन्य के खाते में 3 से 5 सीटें जा सकती हैं। वहीं पीपुल्स इनसाइट के एग्जिट पोल के मुताबिक, पश्चिम बंगाल में कड़ा मुकाबला देखने को मिल रहा है। टीएमसी को 138 से 150 सीटें मिलने का अनुमान है, जबकि भाजपा को 144 से 154 सीटें मिल सकती हैं। कांग्रेस के खाते में 0 से 1 सीट और वाम दलों को भी 0 से 1 सीट मिलने की संभावना जताई गई है।

सर्वे नतीजों में बदलते तो...

अगर यह अनुमान सही साबित होता है तो टीएमसी के लिए सत्ता में वापसी मुश्किल हो सकती है। अगर ये सर्वे नतीजों में बदलते हैं, तो भाजपा के लिए यह अब तक की सबसे बड़ी ऐतिहासिक जीत होगी।

भदोही में बारिश-ओलावृष्टि और आंधी से गर्मी से राहत:तापमान में 5-7 डिग्री की गिरावट दर्ज की गई

रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव


भदोही। सीतामढ़ी क्षेत्र में गुरुवार की सुबह मौसम ने ऐसा सुहावना रूप लिया कि लोगों के चेहरे खिल उठे। सुबह होते ही आसमान में हल्के बादल छा गए और बीच-बीच में हल्की फुहारों ने पूरे माहौल को तरोताजा कर दिया। बीते कई दिनों से पड़ रही भीषण गर्मी और उमस से जूझ रहे लोगों को इस बदलाव ने बड़ी राहत दी है। हल्की-हल्की बारिश और ठंडी हवाओं के झोंकों ने न सिर्फ तापमान को नीचे लाया, बल्कि वातावरण को भी सुखद बना दिया। सुबह के समय जब लोग अपने दैनिक कार्यों के लिए घरों से निकले, तो उन्हें तपती धूप की बजाय ठंडी हवा और बूंदाबांदी का सामना करना पड़ा। इससे जनजीवन पर मिला-जुला असर देखने को मिला। जहां एक ओर मौसम सुहावना होने से लोगों को गर्मी से राहत मिली, वहीं हल्की बारिश के कारण सड़कों पर फिसलन बढ़ गई और कुछ स्थानों पर आवागमन धीमा हो गया। ग्रामीण क्षेत्रों में कच्चे रास्तों पर कीचड़ के कारण लोगों को थोड़ी परेशानी भी उठानी पड़ी। स्थानीय किसानों के लिए यह मौसम किसी वरदान से कम नहीं माना जा रहा है। किसानों का कहना है कि इस समय हुई हल्की बारिश फसलों के लिए बेहद लाभकारी साबित होगी और जमीन की नमी बनाए रखने में मदद करेगी। वहीं, बच्चों और युवाओं ने भी इस मौसम का भरपूर आनंद लिया। कई जगहों पर बच्चे बारिश में भीगते नजर आए तो कुछ लोग अपने घरों की छतों और बरामदों से मौसम का लुत्फ उठाते दिखे।बाजारों में भी इस बदलाव का असर साफ नजर आया। जहां भीषण गर्मी के कारण दोपहर में सन्नाटा छा जाता था, वहीं आज लोगों की आवाजाही सामान्य रही। चाय और पकौड़ी की दुकानों पर भी भीड़ देखने को मिली, जहां लोग मौसम का आनंद लेते हुए बातचीत करते नजर आए।क्षकुल मिलाकर, गुरुवार का यह सुहावना मौसम सीतामढ़ी क्षेत्र के लोगों के लिए राहत भरा रहा। हालांकि हल्की बारिश से कुछ असुविधाएं भी हुईं, लेकिन भीषण गर्मी से मिली राहत ने लोगों के मन को सुकून जरूर दिया है। मौसम विभाग के अनुसार यदि ऐसे ही बादल और हल्की बारिश का सिलसिला जारी रहा, तो आने वाले दिनों में तापमान में और गिरावट देखने को मिल सकती है, जिससे लोगों को और राहत मिलने की उम्मीद है।
घर से निकले बुजुर्ग का खभवा बंधी में मिला शव, परिजनों में मचा कोहराम
मीरजापुर। ज़िले के हलिया थाना क्षेत्र के परसिया मुड़पेली गांव निवासी एक व्यक्ति का शव गुरूवार की सुबह खभवा बंधी में मिलने से क्षेत्र में सनसनी फैल गई। शव मिलने के बाद मौके पर ग्रामीणों की भारी भीड़ जमा हो गई। ग्राम प्रधान प्रतिनिधि प्रशांत दुबे की सूचना पर पहुंची पुलिस जांच पड़ताल करते हुए शव को कब्जे में लेकर कार्रवाई किया।परसिया मुड़पेली गांव निवासी राम किशोर (55) बीते बुधवार शाम पांच बजे के करीब घर से निकले थे, लेकिन देर रात तक वापस नहीं लौटे परिजनों ने उनकी काफी खोजबीन की, मगर कोई सुराग नहीं मिल सका।  दूसरे दिन सुबह गौरवा स्थित सिंचाई विभाग के खभवा बंधी के किनारे ग्रामीणों ने एक जोड़ी जूता देखा जिसकी सूचना परिजनों को दी गई। मौके पर पहुंचे परिजनों ने तलाश की तो बंधी में राम किशोर का शव मिला। वृद्ध की मौत से पत्नी छबीलीया तथा परिजनों का रो-रोकर हाल बेहाल है।हलिया पुलिस मौके पर पहुंचकर जाच पड़ताल करते हुए शव को बाहर निकलवाकर कब्जे में लेकर कार्रवाई की है। बताते चलें कि मृतक के इकलौते पुत्र मुरली की 3 वर्ष पूर्व मौत हो गई थी। मृतक वृद्ध मेहनत मजदूरी कर अपने तीन अविवाहित नतनी तथा दो नातीयों का जिवकोपार्जन का इकलौता सहारा था घटना से गांव में शोक का माहौल व्याप्त है। इस संबंध में थानाध्यक्ष राजीव कुमार श्रीवास्तव का कहना है कि खभवा बंधी में अधेड़ की मौत की सूचना पर शव कब्जे में लेकर पीएम कार्रवाई की जा रही है  मृत्यु का स्पष्ट कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद होगा।
Mirzapur : असहाय पुलिस, कराहता कानून व्यवस्था, पुलिस चौकी में घुस कर सिपाही और दरोगा की पिटाई
मीरजापुर। यूपी के मीरजापुर से कानून व्यवस्था को खुली चुनौती देती हुई एक तस्वीर सामने आई है जहां पुलिस चौकी में घुसकर दरोगा और सिपाही को पीटा जा रहा है उनकी वर्दी नोचीं जा रही है। सम्पूर्ण मामले का वीडियो वायरल होने के बाद हड़कम मचा हुआ है तो वहीं लोग जिले की कानून व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े कर रहे हैं।
पुलिस चौकी में घुस कर सिपाही और दरोगा की पिटाई का यह पूरा मामला सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद तमाम तरह के सवाल खड़े हो रहे हैं तो बड़ा सवाल यह है कि 'जब वर्दी धारी ही असुरक्षित हैं तो आमजनों का क्या होगा?'
पूरा मामला ई रिक्शा से टक्कर के विवाद को लेकर चालक की हुई पिटाई से जुड़ा होना बताया जा रहा है। जिसके बाद मनबढ़ लोगों ने पुलिस चौकी पर जमकर बवाल काटा है। हद तो यह कि
चौकी इंचार्ज अस्पताल और सिपाही को पुलिस चौकी के अंदर ही पीटा जाता रहा है। इसमें सिपाही के सिर पर चोट आई है तो दरोगा की वर्दी फाड़ी गई, बैज नोचा गया है।
सूचना पर पहुंची भारी पुलिस फोर्स तो मौके से भाग निकले उपद्रवी दबंग हालांकि पुलिस ने 5 को हिरासत में लिया है। पूरा मामला बुधवार रात का बताया जा रहा है।

इस संदर्भ में क्षेत्राधिकारी नगर विवेक जावला ने जानकारी देते हुए बताया है कि 29 अप्रैल को थाना कोतवाली शहर क्षेत्रान्तर्गत पुलिस चौकी सदर अस्पताल के पास घटित घटना के सम्बन्ध में चौकी प्रभारी सदर अस्पताल उप निरीक्षक मनोज कुमार राय की लिखित तहरीर पर भरत तिवारी पुत्र स्वर्गीय कृपाशंकर तिवारी, मनोज त्रिपाठी पुत्र स्वर्गीय जयनाथ त्रिपाठी, विकास त्रिपाठी पुत्र नित्यानन्द त्रिपाठी निवासीगण ग्राम मेवली थाना कोतवाली देहात व विक्की उर्फ हरेन्द्र प्रताप पुत्र गोपाल सिंह निवासी रामबाग थाना कोतवाली शहर को नामजद तथा कुछ अन्य अज्ञात व्यक्तियों के विरूद्ध मु.अ.सं0. 72/2026 धारा 191(2),121(1),352,351(2),324(4)(5) बीएनएस व 7 सीएलए एक्ट पंजीकृत किया गया है। नामजद भरत तिवारी, मनोज त्रिपाठी व विकास त्रिपाठी को गिरफ्तार कर लिया गया है।

चर्चा है कि आटो चालक से धक्का लगने के बाद विवाद हुआ, जिसके बाद विशेष समुदाय के लोगों ने ऑटो चालक का पक्ष लेते हुए एक अधिवक्ता की पिटाई शुरू कर दी थी, आरोप है कि मौके पर पहुंची पुलिस के सिपाही ने भी अधिवक्ता को न पहचानते हुए उनपर पर थप्पड़ चला दिए जिसके बाद मामला बिगड़ गया।
पुलिस-गो तस्करों के बीच मुठभेड़, 2 शातिर तस्कर घायल
मीरजापुर‌। पुलिस को बड़ी कामयाबी मिली है।, जिले के अहरौरा में पुलिस-गो तस्करों के बीच मुठभेड़ के बाद 2 शातिर तस्कर घायल हुए हैं। इस दौरान जंगल के रास्ते बिहार ले जाए जा रहे 45 गोवंश को पुलिस ने मुक्त कराया है। घायल तस्करों की पहचान रामबच्चन यादव और रामप्रकाश यादव के रुप में हुई है, दोनों चंदौली के निवासी हैं।
बताया जा रहा है कि पुलिस पर फायरिंग कर तस्कर भाग रहे थे , जवाबी कार्रवाई में दोनों के पैर में  गोली लगी है। मौके से 2 देशी कट्टा, 2 जिंदा और 2 खोखा कारतूस बरामद हुआ है।
एसपी अपर्णा रजत कौशिक के निर्देश पर थानाध्यक्ष अजय मिश्रा की टीम ने कार्रवाई की है। पुलिस के मुताबिक रामबच्चन यादव पर मिर्जापुर-चंदौली में हत्या के प्रयास समेत 9 केस, गैंगस्टर भी है, रामप्रकाश यादव पर भी गोवध निवारण व गैंगस्टर एक्ट के 5 मुकदमे दर्ज हैं। अहरौरा थाना क्षेत्र के बैजू बाबा तपस्थली के पास हिनौता छातों के जंगल में मुठभेड़ होना बताया जा रहा है, दोनों घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है जहां दोनों की, हालत सामान्य बताईं गईं है। दोनों तस्करो पर मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की जा रही है।
राजनीति विज्ञान विभाग में फेयरवेल का आयोजन हुआ
सुलतानपुर। राणा प्रताप महाविद्यालय में राजनीति विज्ञान विभाग के छात्र छात्राओं के द्वारा स्नातक और परास्नातक अंतिम वर्ष के छात्रों के लिए विदाई समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का प्रारंभ मां सरस्वती और महाराणा प्रताप के पूजन से हुआ I महाविद्यालय के प्राचार्य प्रोफेसर डी. के. त्रिपाठी, मुख्य कुलानुशासक प्रोफेसर शैलेंद्र प्रताप सिंह, राजनीति के विज्ञान विभाग के असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. आलोक पाण्डेय, डॉ. मंजू ठाकुर एवं डॉ. अंजना सिंह ने चित्रों पर पुष्प अर्पण किया I अपने उद्बोधन में महाविद्यालय के प्राचार्य प्रोफेसर डी के त्रिपाठी ने कहा की राजनीति विज्ञान एक ऐसा विषय है जो प्रतियोगी परीक्षाओं में अत्यंत महत्वपूर्ण स्थान रखता है I अंतिम वर्ष के छात्रों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा की जीवन में निरंतर प्रयास करते रहना चाहिए जब तक सफलता के रूप में मंजिल प्राप्त न हो जाएI मुख्य कुलानुशासक प्रोफेसर शैलेंद्र प्रताप ने कहा कि लक्ष्य निर्धारित करना ही महत्वपूर्ण नहीं है, आवश्यकता है लक्ष्य के प्रति समर्पण की। डॉ. आलोक पाण्डेय ने कहा की जीवन में अनुभव का लाभ उठाएं क्योंकि अनुभव निश्चित रूप में हमें सिखाने का कार्य करते हैं। डॉ. मंजू ठाकुर ने कहा की जीवन पथ पर आगे बढ़ने के लिए महाविद्यालय में  सीखा हुआ हर एक पाठ निश्चित रूप से मार्ग प्रशस्त करता है और मंजिल तक पहुंचने में सहायक होता है। यद्यपि कॉलेज पूरा होने के बाद विद्यार्थी नई विधा की ओर अग्रसारित होते हैं लेकिन सत्य यह है कि गुरु और शिष्य का संबंध जीवन भर का होता है जब भी शिष्य किसी भी प्रकार का मार्गदर्शन चाहता है तो निश्चित रूप से शिक्षकों का सानिध्य उन्हें प्राप्त होता है। कार्यक्रम में शिवानी, साक्षी, शशि, दीपांशु, कुलदीप, अर्जुन आदि छात्र छात्राओं ने अपना अनुभव सबके समक्ष रखा I कार्यक्रम में समूह नृत्य एकल नृत्य एवं छात्र-छात्राओं के द्वारा गीत प्रस्तुत किया गया शिवानी अर्जुन, दीपांशु,एवं नैना वर्मा को विशेष प्रस्तुति के लिए पुरस्कृत किया गया। कार्यक्रम का सफल संचालन परास्नातक की छात्रा नंदिनी एवं स्नातक की छात्रा शिखा ने किया।
गुरुचरन कौर स्कूल का शत- प्रतिशत परिणाम,कृतिका 95.8% के साथ अव्वल
*टॉप-3 में छात्राओं का कब्जा, कृतिका,अलीज़ा व शिफा ने किया नाम रोशन*

*62 विद्यार्थियों ने दी परीक्षा, सभी प्रथम श्रेणी में सफल*

सुलतानपुर।आईसीएसई बोर्ड की हाईस्कूल (10वीं) परीक्षा का परिणाम गुरुवार 30 अप्रैल 2026 को घोषित किया गया। इसमें गुरुचरन कौर पब्लिक स्कूल के विद्यार्थियों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए शत-प्रतिशत परिणाम दर्ज किया।विद्यालय के कुल 62 परीक्षार्थियों ने परीक्षा दी, जिनमें 23 छात्र एवं 39 छात्राएं शामिल थीं। सभी विद्यार्थियों ने प्रथम श्रेणी में परीक्षा उत्तीर्ण कर विद्यालय का नाम रोशन किया।परीक्षा परिणाम में कृतिका पाण्डेय ने 95.8 प्रतिशत अंक प्राप्त कर विद्यालय में प्रथम स्थान हासिल किया। अलीज़ा फातिमा 95 प्रतिशत अंकों के साथ द्वितीय एवं शिफा आसिफ 92.8 प्रतिशत अंकों के साथ तृतीय स्थान पर रहीं। वहीं उत्कृष्ट यादव, अनुष्का यादव एवं सुनिधी मिश्रा 92.4 प्रतिशत अंकों के साथ संयुक्त रूप से चतुर्थ स्थान पर रहीं। दक्ष श्रीवास्तव 91.8 प्रतिशत अंकों के साथ पांचवें स्थान पर रहे। आराध्या अग्रवाल एवं यशस्वी यादव 91 प्रतिशत अंकों के साथ छठे स्थान पर तथा शाश्वत दीप 90.5 प्रतिशत अंकों के साथ सातवें स्थान पर रहे।
परिणाम घोषित होते ही विद्यालय में खुशी का माहौल छा गया। प्रधानाचार्या तेजिंदर कौर एवं समस्त शिक्षक- शिक्षिकाओं ने विद्यार्थियों को मिठाई खिलाकर बधाई दी तथा उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
महाराष्ट्र दिवस पर उत्तर भारतीय संघ का परोपकार, 100 महिलाओं को सिलाई मशीन का उपहार
मुंबई। उत्तर भारतीय समाज के संगठन, विकास और सम्मान के प्रति समर्पित सबसे बड़ी और सबसे पुरानी संस्था उत्तर भारतीय संघ ने विगत वर्षों की तरह इस वर्ष भी महाराष्ट्र दिवस (1 मई) के गौरवपूर्ण अवसर पर बांद्रा पूर्व स्थित उत्तर भारतीय संघ भवन में नारी शक्ति सम्मान समारोह करने जा रहा है। संस्था के अध्यक्ष संतोष आरएन सिंह ने बताया कि 100 जरूरतमंद महिलाओं को सिलाई मशीन का उपहार देकर उन्हें आत्मनिर्भर बनने के लिए प्रेरित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र हमारी कर्मभूमि है। महाराष्ट्र की मिट्टी ने हम सबको बहुत कुछ दिया है। हमें यहां से उतना ही प्यार है, जितना प्यार हम अपनी जन्मभूमि से करते हैं। यही कारण है कि उत्तर भारतीय संघ विगत कई वर्षों से पूरे उत्साह और हर्ष के साथ महाराष्ट्र दिवस का भव्य आयोजन करता आ रहा है। दोपहर 12 बजे से आयोजित इस कार्यक्रम में महाराष्ट्र दिवस से जुड़े गीतों की भी शानदार प्रस्तुति की जाएगी।
371 वक्फ संपत्तियों का पंजीकरण निरस्त,दस्तावेजों में कमी के कारण हुई कार्रवाई

*5 जून तक पुनः पंजीकरण कराने के निर्देश

गोंडा।जिले में सुन्नी सेंट्रल वक्फ बोर्ड ने वक्फ संपत्तियों को लेकर बड़ी कार्रवाई करते हुए 371 वक्फ संपत्तियों का पंजीकरण तत्काल प्रभाव से रद्द कर दिया है।यह कार्रवाई वक्फ दस्तावेजों में खामियों और आवश्यक जानकारी के अभाव में की गयी है।प्रशासन ने धार्मिक सामुदायिक संपत्तियों के प्रबंधन में पारदर्शिता लाने के लिए यह कदम उठाया गया है।केंद्र सरकार ने वक्फ संपत्तियों के डिजिटलीकरण और पारदर्शिता के लिए उम्मीद (UMMEED) पोर्टल पर पंजीकरण प्रक्रिया शुरू किया था।इस दौरान पंजीकरण तिथि, क्षेत्रफल,स्थापना का समय व मुतवल्ली (प्रबंधक) की शैक्षिक योग्यता व नियुक्ति पत्र जैसे महत्वपूर्ण दस्तावेज मांगे गये थे।निर्धारित सूचनाएं एवं पूर्ण जानकारी उपलब्ध न होने के कारण बोर्ड ने इन संपत्तियों का पंजीकरण निरस्त करने का निर्णय लिया है।हालांकि यह रद्दीकरण अंतिम नहीं है।बोर्ड ने प्रभावित पक्षकारों और प्रबंधकों को अपनी गलतियां सुधारने का अवसर दिया गया है। जिन संपत्तियों का रद्दीकरण हुआ है,उनके आवेदक 5 जून तक सभी आवश्यक दस्तावेजों के साथ उम्मीद पोर्टल पर दोबारा आवेदन कर सकते हैं।दोबारा पंजीकरण के लिए आवश्यक पहचान पत्र, पासपोर्ट साइज फोटो,पते का प्रमाण,मुतवल्ली का नियुक्ति पत्र,मोबाइल नंबर, ईमेल आईडी,धर्म और शैक्षिक योग्यता का विवरण देना अनिवार्य होगा।विभागीय सूत्रों व वक्फ निरीक्षक के अनुसार, इस कार्रवाई से प्रभावित होने वाली वक्फ संपत्तियों में सबसे अधिक संख्या कब्रिस्तानों व मस्जिदों की है।सूची में छोटे मुहल्लों की मस्जिदों से लेकर बड़े सार्वजनिक कब्रिस्तान,मदरसे, ईदगाह,इमामबाड़ा,दरगाह और आय अर्जित करने वाली व्यवसायिक वक्फ संपत्तियां भी शामिल हैं।बताते चलें कि जिले में लगभग 1100 से अधिक वक्फ संपत्तियां सूचीबद्ध की गई थीं,जिनमें एक तिहाई से अधिक पर कार्रवाई हुई है।प्रशासन का मुख्य उद्देश्य वक्फ संपत्तियों के रिकॉर्ड को पारदर्शी बनाना और अवैध कब्जों या गलत प्रबंधन को रोकना है।अब सभी की नजरें 5 जून की समय सीमा पर टिकी हुई हैं,ताकि इन धार्मिक स्थलों का वैधानिक दर्जा बहाल हो सके।जिले के वक्फ निरीक्षक अनिल कुमार ने पुष्टि किया है कि 371 संपत्तियों का पंजीकरण खामियों के कारण निरस्त किया गया है।
रेप से गर्भवती नाबालिग के गर्भपात पर सुप्रीम कोर्ट की अहम टिप्पमी, कहा- नियमों में बदलाव की जरूरत

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गुरुवार को सुप्रीम कोर्ट में 15 साल की रेप पीड़िता के 31 हफ्ते के गर्भ को समाप्त कराने के मामले पर गंभीर बहस हुई। इस मामले में सुप्रीम कोर्ट ने बड़ी टिप्पणी की। कोर्ट ने कहा केंद्र को बच्चों से रेप के मामले में गर्भपात कानून में बदलाव करना चाहिए।

सुप्रीम कोर्ट में एम्स ने एक क्यूरेटिव याचिका दायर की है। जिसमें उसने अपने ही उस फैसले के खिलाफ अपील की है, जिसमें 15 साल की लड़की को 30 हफ्ते की प्रेग्नेंसी खत्म करने की इजाजत दी गई थी। सुप्रीम ने सुनवाई के बाद कहा, अगर मां को कोई परमानेंट डिसेबिलिटी नहीं है, तो प्रेग्नेंसी खत्म करने की प्रक्रिया पूरी की जानी चाहिए।

कानून को समय के अनुसार विकसित होना चाहिए- कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट ने स्पष्ट कहा कि कानून को समय के साथ बदलना चाहिए और रेप से जुड़े मामलों में गर्भपात कराने की समय सीमा नहीं होनी चाहिए। मुख्य न्यायाधीश ने मामले की सुनवाई करते हुए कहा कि जब गर्भावस्था रेप के कारण हो, तो समय सीमा नहीं होनी चाहिए। कानून को समय के अनुसार विकसित होना चाहिए।

पीड़िता और परिवार के फैसले का सम्मान जरूरी-कोर्ट

कोर्ट ने सरकार से कहा कि ऐसे मामलों में पीड़िता और उसके परिवार के फैसले का सम्मान किया जाना चाहिए, न कि उन्हें कानून की सीमाओं में बांधकर मजबूर किया जाना चाहिए। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि एम्स जैसी संस्थाएं परिवार को गाइड कर सकती हैं, ताकि वे सोच-समझकर फैसला ले सकें।

पीड़िता पर अनचाही प्रेग्नेंसी थोपी नहीं जा सकती-कोर्ट

कोर्ट ने इस बात पर जोर दिया कि किसी पीड़िता पर अनचाही प्रेग्नेंसी थोपी नहीं जा सकती और इसमें होने वाले इमोशनल और फिजिकल ट्रॉमा को भी हाईलाइट किया अदालत ने यह भी कहा कि किसी भी पीडिता के मानसिक और शारीरिक दर्द की भरपाई संभव नहीं है। पीड़िता को जिंदगी भर इसका जख्म और ट्रॉमा झेलना पड़ेगा। जरा सोचिए, वह अभी एक बच्ची है। इस समय उसे पढ़ना चाहिए, लेकिन हम उसे मां बनाना चाहते हैं।

क्या बंगाल से ममता दीदी की विदाई तय, 4 मई को आ रही नई सरकार?

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पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में कुल 294 सीटों पर दो चरणों में वोट डाले गए। पहले चरण में 152 सीटों पर 23 अप्रैल को और दूसरे चरण में 142 सीटों पर 29 अप्रैल को मतदान हुआ। मतगणना 4 मई को होगी। इस बीच दूसरे चरण की वोटिंग खत्म होते ही एग्जिट पोल के आंकड़े सामने आ गए हैं। एग्जिट पोल की मानें तो बंगाल से दीदी की विदाई तय हो गई है।

बंगाल की जनता चाहती है बदलाव?

बंगाल के रण में इस बार ममता बनर्जी का जादू चलता नहीं दिख रहा है। प्रमुख एग्जिट पोल्स ने साफ कर दिया है कि बंगाल की जनता ने परिवर्तन का मन बना लिया है। 2021 में जिस भाजपा को दीदी ने पटखनी दी थी, वही भाजपा 2026 में सुनामी बनकर लौटती दिख रही है।

टीएमसी वाली राजनीति का युग अब अंत की ओर है?

राजनीतिक गलियारों में चर्चा तेज है कि ममता बनर्जी अपनी सत्ता बचाने के लिए जो दांव चल रही थीं, वे उलटे पड़ गए हैं। इन आंकड़ों ने न केवल टीएमसी के कैंप में सन्नाटा पसरा दिया है, बल्कि राजनीतिक पंडितों को भी यह सोचने पर मजबूर कर दिया है कि क्या बंगाल में दशकों पुरानी वामपंथी और फिर टीएमसी वाली राजनीति का युग अब अंत की ओर है?

क्या कह रहे एग्जिट पोल के आंकड़े

जेवीसी के एग्जिट पोल के अनुसार, पश्चिम बंगाल में तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) और भाजपा के बीच कांटे की टक्कर है। टीएमसी को 131 से 152 सीटें मिलने का अनुमान है, जबकि भाजपा को 138 से 159 सीटें मिल सकती हैं। कांग्रेस के खाते में 0 से 2 सीटें जाने का अनुमान है, जबकि वाम दलों और अन्य के खाते में कोई सीट जाती नहीं दिख रही है। वहीं, जनमत पोल्स के एग्जिट पोल में टीएमसी को 195 से 205 सीटें मिलने का अनुमान है, जबकि भाजपा को 80 से 90 सीटें मिल सकती हैं। कांग्रेस को 1 से 3 सीटें मिलने की संभावना है। वाम दलों को 0 से 1 सीट और अन्य के खाते में 3 से 5 सीटें जा सकती हैं। वहीं पीपुल्स इनसाइट के एग्जिट पोल के मुताबिक, पश्चिम बंगाल में कड़ा मुकाबला देखने को मिल रहा है। टीएमसी को 138 से 150 सीटें मिलने का अनुमान है, जबकि भाजपा को 144 से 154 सीटें मिल सकती हैं। कांग्रेस के खाते में 0 से 1 सीट और वाम दलों को भी 0 से 1 सीट मिलने की संभावना जताई गई है।

सर्वे नतीजों में बदलते तो...

अगर यह अनुमान सही साबित होता है तो टीएमसी के लिए सत्ता में वापसी मुश्किल हो सकती है। अगर ये सर्वे नतीजों में बदलते हैं, तो भाजपा के लिए यह अब तक की सबसे बड़ी ऐतिहासिक जीत होगी।

भदोही में बारिश-ओलावृष्टि और आंधी से गर्मी से राहत:तापमान में 5-7 डिग्री की गिरावट दर्ज की गई

रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव


भदोही। सीतामढ़ी क्षेत्र में गुरुवार की सुबह मौसम ने ऐसा सुहावना रूप लिया कि लोगों के चेहरे खिल उठे। सुबह होते ही आसमान में हल्के बादल छा गए और बीच-बीच में हल्की फुहारों ने पूरे माहौल को तरोताजा कर दिया। बीते कई दिनों से पड़ रही भीषण गर्मी और उमस से जूझ रहे लोगों को इस बदलाव ने बड़ी राहत दी है। हल्की-हल्की बारिश और ठंडी हवाओं के झोंकों ने न सिर्फ तापमान को नीचे लाया, बल्कि वातावरण को भी सुखद बना दिया। सुबह के समय जब लोग अपने दैनिक कार्यों के लिए घरों से निकले, तो उन्हें तपती धूप की बजाय ठंडी हवा और बूंदाबांदी का सामना करना पड़ा। इससे जनजीवन पर मिला-जुला असर देखने को मिला। जहां एक ओर मौसम सुहावना होने से लोगों को गर्मी से राहत मिली, वहीं हल्की बारिश के कारण सड़कों पर फिसलन बढ़ गई और कुछ स्थानों पर आवागमन धीमा हो गया। ग्रामीण क्षेत्रों में कच्चे रास्तों पर कीचड़ के कारण लोगों को थोड़ी परेशानी भी उठानी पड़ी। स्थानीय किसानों के लिए यह मौसम किसी वरदान से कम नहीं माना जा रहा है। किसानों का कहना है कि इस समय हुई हल्की बारिश फसलों के लिए बेहद लाभकारी साबित होगी और जमीन की नमी बनाए रखने में मदद करेगी। वहीं, बच्चों और युवाओं ने भी इस मौसम का भरपूर आनंद लिया। कई जगहों पर बच्चे बारिश में भीगते नजर आए तो कुछ लोग अपने घरों की छतों और बरामदों से मौसम का लुत्फ उठाते दिखे।बाजारों में भी इस बदलाव का असर साफ नजर आया। जहां भीषण गर्मी के कारण दोपहर में सन्नाटा छा जाता था, वहीं आज लोगों की आवाजाही सामान्य रही। चाय और पकौड़ी की दुकानों पर भी भीड़ देखने को मिली, जहां लोग मौसम का आनंद लेते हुए बातचीत करते नजर आए।क्षकुल मिलाकर, गुरुवार का यह सुहावना मौसम सीतामढ़ी क्षेत्र के लोगों के लिए राहत भरा रहा। हालांकि हल्की बारिश से कुछ असुविधाएं भी हुईं, लेकिन भीषण गर्मी से मिली राहत ने लोगों के मन को सुकून जरूर दिया है। मौसम विभाग के अनुसार यदि ऐसे ही बादल और हल्की बारिश का सिलसिला जारी रहा, तो आने वाले दिनों में तापमान में और गिरावट देखने को मिल सकती है, जिससे लोगों को और राहत मिलने की उम्मीद है।
घर से निकले बुजुर्ग का खभवा बंधी में मिला शव, परिजनों में मचा कोहराम
मीरजापुर। ज़िले के हलिया थाना क्षेत्र के परसिया मुड़पेली गांव निवासी एक व्यक्ति का शव गुरूवार की सुबह खभवा बंधी में मिलने से क्षेत्र में सनसनी फैल गई। शव मिलने के बाद मौके पर ग्रामीणों की भारी भीड़ जमा हो गई। ग्राम प्रधान प्रतिनिधि प्रशांत दुबे की सूचना पर पहुंची पुलिस जांच पड़ताल करते हुए शव को कब्जे में लेकर कार्रवाई किया।परसिया मुड़पेली गांव निवासी राम किशोर (55) बीते बुधवार शाम पांच बजे के करीब घर से निकले थे, लेकिन देर रात तक वापस नहीं लौटे परिजनों ने उनकी काफी खोजबीन की, मगर कोई सुराग नहीं मिल सका।  दूसरे दिन सुबह गौरवा स्थित सिंचाई विभाग के खभवा बंधी के किनारे ग्रामीणों ने एक जोड़ी जूता देखा जिसकी सूचना परिजनों को दी गई। मौके पर पहुंचे परिजनों ने तलाश की तो बंधी में राम किशोर का शव मिला। वृद्ध की मौत से पत्नी छबीलीया तथा परिजनों का रो-रोकर हाल बेहाल है।हलिया पुलिस मौके पर पहुंचकर जाच पड़ताल करते हुए शव को बाहर निकलवाकर कब्जे में लेकर कार्रवाई की है। बताते चलें कि मृतक के इकलौते पुत्र मुरली की 3 वर्ष पूर्व मौत हो गई थी। मृतक वृद्ध मेहनत मजदूरी कर अपने तीन अविवाहित नतनी तथा दो नातीयों का जिवकोपार्जन का इकलौता सहारा था घटना से गांव में शोक का माहौल व्याप्त है। इस संबंध में थानाध्यक्ष राजीव कुमार श्रीवास्तव का कहना है कि खभवा बंधी में अधेड़ की मौत की सूचना पर शव कब्जे में लेकर पीएम कार्रवाई की जा रही है  मृत्यु का स्पष्ट कारण पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद होगा।
Mirzapur : असहाय पुलिस, कराहता कानून व्यवस्था, पुलिस चौकी में घुस कर सिपाही और दरोगा की पिटाई
मीरजापुर। यूपी के मीरजापुर से कानून व्यवस्था को खुली चुनौती देती हुई एक तस्वीर सामने आई है जहां पुलिस चौकी में घुसकर दरोगा और सिपाही को पीटा जा रहा है उनकी वर्दी नोचीं जा रही है। सम्पूर्ण मामले का वीडियो वायरल होने के बाद हड़कम मचा हुआ है तो वहीं लोग जिले की कानून व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े कर रहे हैं।
पुलिस चौकी में घुस कर सिपाही और दरोगा की पिटाई का यह पूरा मामला सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद तमाम तरह के सवाल खड़े हो रहे हैं तो बड़ा सवाल यह है कि 'जब वर्दी धारी ही असुरक्षित हैं तो आमजनों का क्या होगा?'
पूरा मामला ई रिक्शा से टक्कर के विवाद को लेकर चालक की हुई पिटाई से जुड़ा होना बताया जा रहा है। जिसके बाद मनबढ़ लोगों ने पुलिस चौकी पर जमकर बवाल काटा है। हद तो यह कि
चौकी इंचार्ज अस्पताल और सिपाही को पुलिस चौकी के अंदर ही पीटा जाता रहा है। इसमें सिपाही के सिर पर चोट आई है तो दरोगा की वर्दी फाड़ी गई, बैज नोचा गया है।
सूचना पर पहुंची भारी पुलिस फोर्स तो मौके से भाग निकले उपद्रवी दबंग हालांकि पुलिस ने 5 को हिरासत में लिया है। पूरा मामला बुधवार रात का बताया जा रहा है।

इस संदर्भ में क्षेत्राधिकारी नगर विवेक जावला ने जानकारी देते हुए बताया है कि 29 अप्रैल को थाना कोतवाली शहर क्षेत्रान्तर्गत पुलिस चौकी सदर अस्पताल के पास घटित घटना के सम्बन्ध में चौकी प्रभारी सदर अस्पताल उप निरीक्षक मनोज कुमार राय की लिखित तहरीर पर भरत तिवारी पुत्र स्वर्गीय कृपाशंकर तिवारी, मनोज त्रिपाठी पुत्र स्वर्गीय जयनाथ त्रिपाठी, विकास त्रिपाठी पुत्र नित्यानन्द त्रिपाठी निवासीगण ग्राम मेवली थाना कोतवाली देहात व विक्की उर्फ हरेन्द्र प्रताप पुत्र गोपाल सिंह निवासी रामबाग थाना कोतवाली शहर को नामजद तथा कुछ अन्य अज्ञात व्यक्तियों के विरूद्ध मु.अ.सं0. 72/2026 धारा 191(2),121(1),352,351(2),324(4)(5) बीएनएस व 7 सीएलए एक्ट पंजीकृत किया गया है। नामजद भरत तिवारी, मनोज त्रिपाठी व विकास त्रिपाठी को गिरफ्तार कर लिया गया है।

चर्चा है कि आटो चालक से धक्का लगने के बाद विवाद हुआ, जिसके बाद विशेष समुदाय के लोगों ने ऑटो चालक का पक्ष लेते हुए एक अधिवक्ता की पिटाई शुरू कर दी थी, आरोप है कि मौके पर पहुंची पुलिस के सिपाही ने भी अधिवक्ता को न पहचानते हुए उनपर पर थप्पड़ चला दिए जिसके बाद मामला बिगड़ गया।
पुलिस-गो तस्करों के बीच मुठभेड़, 2 शातिर तस्कर घायल
मीरजापुर‌। पुलिस को बड़ी कामयाबी मिली है।, जिले के अहरौरा में पुलिस-गो तस्करों के बीच मुठभेड़ के बाद 2 शातिर तस्कर घायल हुए हैं। इस दौरान जंगल के रास्ते बिहार ले जाए जा रहे 45 गोवंश को पुलिस ने मुक्त कराया है। घायल तस्करों की पहचान रामबच्चन यादव और रामप्रकाश यादव के रुप में हुई है, दोनों चंदौली के निवासी हैं।
बताया जा रहा है कि पुलिस पर फायरिंग कर तस्कर भाग रहे थे , जवाबी कार्रवाई में दोनों के पैर में  गोली लगी है। मौके से 2 देशी कट्टा, 2 जिंदा और 2 खोखा कारतूस बरामद हुआ है।
एसपी अपर्णा रजत कौशिक के निर्देश पर थानाध्यक्ष अजय मिश्रा की टीम ने कार्रवाई की है। पुलिस के मुताबिक रामबच्चन यादव पर मिर्जापुर-चंदौली में हत्या के प्रयास समेत 9 केस, गैंगस्टर भी है, रामप्रकाश यादव पर भी गोवध निवारण व गैंगस्टर एक्ट के 5 मुकदमे दर्ज हैं। अहरौरा थाना क्षेत्र के बैजू बाबा तपस्थली के पास हिनौता छातों के जंगल में मुठभेड़ होना बताया जा रहा है, दोनों घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया गया है जहां दोनों की, हालत सामान्य बताईं गईं है। दोनों तस्करो पर मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की जा रही है।