गंगा ग्राम में आयोजित हुआ विश्व जल दिवस कार्यक्रम, लोगों को किया जागरूक
फर्रुखाबाद l जिला गंगा समिति के तत्वाधान में आयोजित किया जा रहे गंगा स्वच्छता पखवाड़ा कार्यक्रम के अंतर्गत आज विश्व जल दिवस के अवसर पर गंगा ग्राम धीमपुरा में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया ।जिला परियोजना अधिकारी निहारिका पटेल के निर्देशन में कई युवाओं  ने प्रतिभाग किया।उन्होंने कहा कि जल हमारे जीवन के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है क्योंकि जल ही जीवन है। प्रायः देखा गया है कि घर के कार्यों में हम प्रतिदिन जल का उपयोग करते हैं एवं अज्ञानता वश जल को व्यर्थ कर देते हैं। यदि प्रत्येक मनुष्य चाहे तो जल की उपयोगिता को कम करके जल का संरक्षण कर सकते है। हम सभी जानते हैं कि हमारे पर्यावरण में जल का स्तर प्रत्येक दिन गिरता ही जा रहा है जो चिंता का विषय है।लोग अनजाने में बिना उपयोग के ही कई लीटर पानी प्रतिदिन बर्बाद कर देते हैं जिसे हमारी धरती का जल कम होता जा रहा है एवं शुद्ध जल समाप्त हो रहा है। यह बहुत चिंता का विषय है।अतः हम सभी को मिलकर यह शपथ लेनी चाहिए कि हम सभी जल की उपयोगिता को समझे एवं एक-एक बूंद बचाने का प्रयास करें। हम स्वयं भी जल का जितना हो सके कम प्रयोग करें एवं अन्य लोगों को भी इसके लिए जागरूक करें। कई जगह पर देखा गया है कि घरों में नल लगे हैं परंतु उन नलों को बंद करने के लिए कोई संसाधन नहीं है उनमें से जल ऐसे ही बहता रहता हैं और शुद्ध जल बहकर नाली में जाता है। यदि समय रहते हम सभी ने जल को बचाने के लिए प्रयास नहीं किया तो हमारी आने वाली पीढ़ी को जल के लिए बहुत समस्याओं का सामना करना पड़ेगा। जैसे कि कई देशों और कई जिलों में करना पड़ रहा है। लोगों को जल लेने के लिए कई किलोमीटर दूर चलना पड़ता है।महिलाओं  को पैदल चलकर पानी लाना पड़ता है। अतः सभी को इसके लिए समय रहते प्रयास करना चाहिए। इस अवसर पर जल कलश में सभी ने अपने-अपने माध्यम से बचाए हुए जल को एकत्रित किया एवं यह संदेश दिया कि यदि प्रत्येक मनुष्य प्रतिदिन थोड़ा-थोड़ा जल भी बचाएगा तो बहुत बड़ी मात्रा में जल का संरक्षण हो सकेगा। इसके आंतरिक स्वच्छता के लिए सभी को जागरूक किया गया।इस अवसर पर उपस्थित सभी लोगों को पर्यावरण से संबंधित पंपलेट पोस्टर भी वितरित किए गए। कार्यक्रम में प्रशिक्षक रोहित दीक्षित, गंगा योद्धा पल्लवी, अश्मित एवं अन्य लोग उपस्थित रहे।
मांडू-बरही में सांसद मनीष जायसवाल का दंड वितरण अभियान तेज, 1 दिन में 424 अखाड़ों तक पहुंचा परंपरा का संदेश

मांडू/बरही - हजारीबाग की ऐतिहासिक रामनवमी की पारंपरिक अस्त्र शस्त्र कला कौशल प्रदर्शन को पुनर्जीवित करने के उद्देश्य से हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के सांसद मनीष जायसवाल द्वारा बीते कुछ वर्षों से रामनवमी से पूर्व क्षेत्र के अखाड़ा धारियों के बीच दंड का वितरण किया जाता रहा है। सांसद दंड वितरण अभियान-2026 के तहत सांसद मनीष जायसवाल लगातार चौथे दिन इस अभियान में अहले सुबह से लेकर देर रात तक जुटे रहें। उन्होंने इसकी शुरुआत रविवार को अहले सुबह मांडू विधानसभा क्षेत्र के टाटीझरिया प्रखंड अंतर्गत डूमर पंचायत के कोल्हू हनुमान मंदिर प्रांगण से किया और इसका समापन बरही विधानसभा क्षेत्र के पदमा में दंड वितरण के साथ हुआ। सांसद मनीष जायसवाल ने रविवार को मांडू और बरही विधानसभा क्षेत्र के कुल 09 मंडलों में अलग-अलग जगहों पर सांसद दंड वितरण अभियान चलाकर कुल 424 अखाड़ा धारियों को दंड भेंट किया। जिसमें टाटीझरिया मंडल में 50, विष्णुगढ़ पश्चिमी मंडल में 76, बरही पूर्वी मंडल में 29, बरही पश्चिमी मंडल में 45, चंदवारा मंडल में 38, चौपारण पूर्वी मंडल में 46, चौपारण मध्य मंडल में 43, चौपारण पश्चिमी में 48 और पदमा मंडल में 49 अखाड़ों तक सांसद मनीष जायसवाल ने यह भेंट पहुंचाया। सांसद मनीष जायसवाल के साथ बरही विधानसभा क्षेत्र में बरही के विधायक मनोज यादव सभी जगहों पर दंड वितरण अभियान में साथ रहें और सामूहिक रूप से नेताद्वय ने अखाड़ा धारियों को दंड भेंटकर उनका उत्साह बढ़ाया। इस दौरान सभी जगहों पर सांसद मनीष जायसवाल और बरही विधायक मनोज यादव का स्थानीय रामभक्तों ने उत्साहपूर्वक गर्मजोशी से जबरदस्त स्वागत किया। बरसोत में पुराने रामभक्तों ने जब दंड पर अपने अभूतपूर्व कला-कौशल का शानदार प्रदर्शन किया तो सांसद मनीष जायसवाल और बरही विधायक मनोज यादव ने खूब तालियां बजाई। 

मौके पर सांसद मनीष जायसवाल ने उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि भारतीय सनातन संस्कृति में शस्त्र और शास्त्र दोनों का विशेष महत्व है। हजारीबाग के ऐतिहासिक रामनिवामी की समृद्ध परंपरा में कला-कौशल का अहम योगदान है जिसके कारण इसे इतनी ख्याति मिली। पूर्व के समय में यहाँ रामनवमी में विशाल महावीर पताखे के साथ लोग शोभायात्रा में संयमित और अनुशासित होकर भक्तिभाव से शामिल होते थे लेकिन मौजूदा समय में स्थितियां बदली है और अब अस्त्र-शस्त्र का कला प्रदर्शन कम हुआ है। ऐसे में इसे जीवंत करने के उद्वेश्य से मैंने पूरे हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के करीब 3,000 से अधिक अखाड़ों तक पहुंचकर अखाड़ा धारियों का उत्साहवर्धन करते हुए दंड भेंट करने का अभियान चला रहा हूं ताकि रामनवमी के शोभायात्रा में दंड प्रदर्शन का खेल दिखे और हम अपनी परंपरा को अक्षुण्ण रखें। बरही विधायक मनोज यादव ने कहा कि सांसद मनीष जायसवाल का अपने धर्म एवं संस्कृति की परंपरा की रक्षा के लिए यह पहल बेहद ही कारगर है। उन्होंने कहा कि अगर अपनी संस्कृति को जीवंत रखना है परंपरा को भावी पीढ़ी तक पहुंचना है तो शास्त्र के ज्ञान के साथ शस्त्र का परिचयन अभ्यास भी बेहद जरूरी है। 

मौके पर विशेषरूप से सांसद प्रतिनिधि अजय साहू, द्वारिका सिंह उर्फ खोखा सिंह, रंजन चौधरी, टाटीझरिया में प्रमुख सह सांसद प्रतिनिधि संतोष मंडल, टाटीझरिया बीजेपी मंडल अध्यक्ष कैलाशपति सिंह, उपप्रमुख रवि वर्णवाल, जिप सदस्य रामप्रसाद, पूर्व जिप सदस्य रवि सिंह, मुखिया शिबू प्रसाद सोनी, राजू यादव, महेश अग्रवाल, रजनीकांत चौधरी, विष्णुगढ़ में स्थानीय सांसद प्रतिनिधि रविंद्र कुमार वर्णवाल उर्फ दीपू भाई, विष्णुगढ़ महासमिति अध्यक्ष रवि पाण्डेय, पूर्व मंडल अध्यक्ष किशोर कुमार मंडल, विनोद सिंह, सुनील सिंह, बरही विधानसभा में जिप उपाध्यक्ष किशुन यादव, बरही विधानसभा सांसद प्रतिनिधि मुकुंद साव, विधायक प्रतिनिधि रमेश ठाकुर, जिला सांसद प्रतिनिधि बंटी मोदी, रामनवमी महासमिति अध्यक्ष भगवान केशरी, सांसद सह प्रतिनिधि रामस्वरूप पासवान, रंजीत चंद्रवंशी, मणिलाल यादव, जिप सदस्य प्रीति कुमारी, बरही विधानसभा सांसद मीडिया प्रतिनिधि रितेश कुमार, मंडल सांसद प्रतिनिधि मोतीलाल चौधरी, भगवान केशरी, सुखदेव साव, अजय मेहता, रिशु बर्णवाल, आशीष कुमार सिंह, सहदेव यादव, मंडल अध्यक्ष विजय यादव, नागेश्वर रजक, नंदकिशोर सोनी, बाबूलाल मेहता, आरती कौशल, रेवा शंकर साव, मुकेश सिन्हा, विधायक प्रतिनिधि लक्ष्मण यादव, नारायण यादव, राजदेव यादव, गुरुदेव गुप्ता, सुरेंद्र रजक, अर्जुन साव, मुखिया राजेन्द्र प्रसाद, भुनेश्वर साव, मनोज साव, मुखिया राजेन्द्र प्रसाद, महेन्द्र केशरी, बिनोद सिंह, जयप्रकाश केशरी, संतोष सिंह, सुबोध केशरी, अशोक यादव, युगल किशोर यादव, पप्पू चंद्रवंशी, गौतम सिंह, नवलकिशोर सिंह, शिवा निषाद, राजेश केशरी, बिरेन्द्र कुमार, कपिल साव, राजकुमार साव, चौरंगीलाल गुप्ता, प्रो. हिरामन साव, ज्योतिष यादव, दिनेश साव, प्रमोद सिंह, उपेंद्र सिंह, मुन्ना यादव, पंसस सुजीत कुमार, रामचंद्र टुड्डू, संतोष यादव, राजदेव यादव, बासुदेव यादव, रघु मोदी, कांति देवी, विनोद यादव, डिलो पासवान, अरविंद कुमार, सागर चंद्रवंशी, अर्जुन यादव, मनोज नाथ कर्णदेव, प्रकाश यादव, अनिल मण्डल, महेश मण्डल, प्रदीप यादव, ब्रह्मदेव यादव, मुकेश यादव, विकास यादव, रामदेव यादव, मंडल प्रतिनिधि दुखदेव साव, उपाध्यक्ष आनंद मोदी, द्वारिका राणा, राजू यादव, बिरेन्द्र यादव, सुरेश यादव, बिरेन्द्र यादव, खूबलाल साव, सुदीप यादव, नारायण पांडेय, मुन्ना बर्णवाल, रामदेव यादव सहित अन्य गणमान्य लोग मौजूद रहें।

विष्णुगढ़ में हाई मास्क लाइट का उद्घाटन, सांसद मनीष जायसवाल ने किया शुभारंभ

विष्णुगढ़ - हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के सांसद मनीष जायसवाल के अनुशंसा पर ओएनजीसी, बोकारो ने मांडू विधानसभा क्षेत्रवके विष्णुगढ़ के सार्वजनिक मंदिर एवं थाना चौक बाजार टांड़ में हाई मास्क लाइट का अधिष्ठान कराया है। इसका विधिवत उद्घाटन रविवार की सुबह हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के सांसद मनीष जायसवाल ने नारियल फोड़कर, फीता काटकर और स्वीच ऑन करके किया। स्वीच ऑन होते ही तालियों से यहां गुंजायमान हो उठा ।

मौके पर सांसद मनीष जायसवाल ने कहा कि विष्णुगढ़ प्रखंड क्षेत्र में करीब 50 हाई मास्ट लाइट का अधिष्ठान विभिन्न कंपनियों के सीएसआर के माध्यम से कराया जा रहा है। जिसमें शहरी क्षेत्र में बिजली आधारित और ग्रामीण इलाके में सोलर आधारित लाइट का अधिष्ठान कराया जा रहा है। प्रथम फेज के बाद दूसरे फेज में भी छुटे हुए जगहों पर लाइट अधिष्ठान कराया जाएगा ताकि क्षेत्र रोशनी से पटा रहें। सांसद मनीष जायसवाल ने ओएनजीसी बोकारो के इस पहल की सराहना की और कहा कि सामाजिक जिम्मेवारी निर्वहन करते हुए ओएनजीसी बोकारो ने जनजीवन के हित का सदैव ख्याल रखा है जो अच्छी बात है। विष्णुगढ़ के रमुआ दुर्गा मंदिर सह बाजार प्रांगण अब रोशनी से पटा रहेगा और लोगों को रात्रि बेला में इसका लाभ मिलेगा ।

मौके पर विशेषरूप से मांडू विधानसभा क्षेत्र के सांसद प्रतिनिधि द्वारिका सिंह उर्फ खोखा सिंह, हजारीबाग जिला सांसद प्रतिनिधि अजय कुमार साहू, हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के सांसद मीडिया प्रतिनिधि रंजन चौधरी, स्थानीय सांसद प्रतिनिधि रविन्द्र कुमार वर्णवाल उर्फ दीपू भाई, महासमिति अध्यक्ष रवि पाण्डेय, पूर्व मंडल अध्यक्ष किशोर कुमार मंडल ,महासमिति के सभी पदाधिकारीगण,पूर्व महासमिति अध्यक्ष बिनोद सिंह जी,सुनील मिश्रा, शंकर वर्मन, शशि लहकर, राजू श्रीवास्तव, सुनील अकेला, लखन प्रसाद, राजेंद्र यादव, छोटेलाल प्रसाद, वकील सिंह, संदीप लहकर, बिनोद प्रसाद, सुरेश रजवार, संदीप कुमार, हस्तशिल्प विकास संस्थान, हजारीबाग के सचिव नरेश ठाकुर, अध्यक्ष उमा कुमारी, कोषाध्यक्ष संजय गोप, पंकज ठाकुर, रेनू कुमारी, गीता कुमारी सहित अनेक स्थानीय जनप्रतिनिधि एवं समाजसेवीगण मौजूद रहे।

टाटीझरिया के कोल्हू गांव में भक्ति की गूंज, 401 कलश यात्रा के साथ श्री श्री 108 मारुतिनंदन महायज्ञ का शुभारंभ

टाटीझरिया - हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के मांडू विधानसभा अंतर्गत टाटीझरिया प्रखंड के डूमर पंचायत स्थित ग्राम कोल्हू में भक्ति और उत्साह का अद्भुत नजारा देखने को मिला। यहाँ नवनिर्मित बजरंगबली मंदिर के प्राण प्रतिष्ठा के पावन अवसर पर आयोजित पांच दिवसीय श्री श्री 108 मारुतिनंदन महायज्ञ का श्रीगणेश रविवार की अहले सुबह दिव्य कलश यात्रा के साथ हुआ। इस भव्य यात्रा की शुरुआत बतौर मुख्य अतिथि हजारीबाग सांसद मनीष जायसवाल ने यज्ञ मंडप पर बजरंगबली सहित समस्त देवी-देवताओं की सविधि आराधना करने के उपरांत 401 कलश यात्रियों के माथे पर कलश रखकर कराई। गाजे- बाजे और डीजे पर थिरकते हुए और जय श्री राम के उद्घोष के बीच अनुशासित श्रद्धालु डूमर स्थित जलपना डैम से पवित्र जल भरने हेतु भक्तिभाव में झूमते हुए रवाना हुए। 

इस अवसर पर स्थानीय यज्ञ समिति द्वारा सांसद मनीष जायसवाल का जोरदार स्वागत फूल माला पहनाकर और भगवा वस्त्र ओढ़ाकर किया गया। यहाँ उमड़े जनसमूह संग सांसद मनीष जायसवाल ने सनातन धर्म की वर्तमान चुनौतियों पर उनसे गंभीर चर्चा की। उन्होंने कहा कि आज सनातन धर्म पर चौतरफा दबाव है, जहाँ एक वर्ग आर्थिक प्रलोभन देकर धर्मांतरण करा रहा है तो दूसरा आबादी के असंतुलन का प्रयास कर रहा है। उन्होंने आंकड़ों का हवाला देते हुए सजग किया कि आजादी के समय जो हिंदू आबादी लगभग 93% थी, वह अब घटकर करीब 65% रह गई है। सांसद मनीष जायसवाल ने आह्वान किया कि हिंदुओं को बांटने के बड़े षड्यंत्र को कुचलने के लिए हमें जातियों के भेदों को भुलाकर एक होना होगा। सनातनी आस्था तभी सुदृढ़ होगी जब हम एकजुट रहेंगे। 

22 मार्च से शुरू हुआ यह भक्तिमय अनुष्ठान आगामी 26 मार्च को विशाल भंडारे और पूर्णाहुति के साथ संपन्न होगा, जिसमें समूचे क्षेत्र के श्रद्धालुओं की सहभागिता रहेगी। 

मौके पर विशेष रूप से मांडू विधानसभा क्षेत्र के सांसद प्रतिनिधि द्वारिका सिंह उर्फ खोखा सिंह, हजारीबाग जिला सांसद प्रतिनिधि अजय कुमार साहू, टाटीझरिया प्रमुख संतोष मंडल, भाजपा मंडल अध्यक्ष कैलाशपति सिंह, उपप्रमुख रवि वर्णवाल, जिप सदस्य रामप्रसाद, पूर्व जिप सदस्य रवि सिंह, मुखिया शिबू प्रसाद सोनी, राजू यादव, रजनीकांत चौधरी, राजेश कुमार यादव, उपेंद्र पांडेय, कोडरमा सांसद प्रतिनिधि सह मंडल अध्यक्ष महेश अग्रवाल, परमेश्वर प्रसाद यादव, सुरेश प्रसाद कुशवाहा, निखिल सिंह, सुशांत सिंह, संदीप गंझू, ज्योतिष पंडा, कृष्णा साव, अनिल प्रसाद, जीवाधन प्रसाद, संतोष राम, हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के सांसद मीडिया प्रतिनिधि रंजन चौधरी सहित अन्य गणमान्य लोग मौजूद रहें। इस महायज्ञ की सफल बनाने में अध्यक्ष संतोष मंडल, उपाध्यक्ष मुकेश मंडल, सचिव प्रकाश प्रसाद और सह सचिव अशोक प्रसाद कोषाध्यक्ष दिलेश्वर प्रसाद साहु सहित समिति के नारायण महतो, लालचंद प्रसाद, पंकज मंडल, शंकर प्रसाद, अमृत प्रसाद, अखिलेश प्रसाद, अजित प्रसाद, राजेंद्र प्रसाद, फूलचंद मंडल, शंभू प्रसाद, बिरेंद्र प्रसाद, जगदेव प्रसाद, चिंतामन महतो, सुनील कुमार जुटे हुए हैं ।

ई० विवेक बरनवाल बने भारतीय जनता पार्टी मीरजापुर के जिला कार्यसमिति सदस्य
मीरजापुर। भारतीय जनता पार्टी मीरजापुर का जिला कार्यसमिति सदस्य बनाए जाने पर ई. विवेक बरनवाल ने संगठन के प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी, क्षेत्रीय अध्यक्ष दिलीप पटेल एवं जिला अध्यक्ष लाल बहादुर सरोज सहित सभी शीर्ष नेतृत्व को धन्यवाद कहा। कहा कि भारतीय जनता पार्टी सदैव अपने बूथ स्तर से लेकर के राष्ट्रीय स्तर तक के कार्यकर्ताओं को निरंतर प्रशिक्षण के माध्यम से सशक्त बनाती हैं एवं अलग-अलग अभियानों के द्वारा प्रदेश एवं केंद्रीय नेतृत्व द्वारा चलाए जा रहे जनकल्याणकारी योजनाओं को जन-जन तक पहुंचाने का कार्य करती है। भारतीय जनता पार्टी अपने कार्यकर्ताओं के माध्यम से समाज के हर वर्ग को मुख्य धारा में लाने का काम करती है तथा भारतीय जनता पार्टी से हर वर्ग और सभी जातियों के लोग जुड़े हुए हैं और यही पार्टी की खूबसूरती है। भारतीय जनता पार्टी में पन्ना प्रमुख से लेकर के बूथ स्तर तक का कार्यकर्ता पार्टी के किसी भी पद पर आसीन हो सकता है और यही कार्य करता संगठन को मजबूती देते हुए सरकार बनाने में अपना योगदान देते हैं। पार्टी में महिला सशक्तिकरण का बात हो या फिर मां की शक्ति को उचित स्थान देने का बात हो पार्टी निरंतर इस कार्य करती है और वर्तमान में जिला पदाधिकारी की जो सूची हर जिले की आई है उसमें भी महिलाओं को उचित स्थान दिया गया है। माननीय प्रधानमंत्री जी के 2047 के विकसित भारत के संकल्पना को पूरा करने में सभी कार्यकर्ता निरंतर कार्य कर रहें और भारतीय जनता पार्टी के मूल सिद्धांत एकात्म मानववाद एवं अन्त्योदय के सिद्धांत पर निरंतर अग्रसर हैं। ई विवेक बरनवाल को जिला कार्यसमिति सदस्य बनने पर मुकेश अग्रहरी, प्रतिक अग्रवाल, रमाकांत दुबे, सुशील सिंह, रूपनारायण अग्रहरी सहित सैकड़ों लोगों ने बधाई दी।
सीतापुर-तेज रफ्तार डंपर से कुचलकर बाइक सवार दो युवकों की मौत
लखनऊ /सीतापुर। उत्तर प्रदेश के सीतापुर जिले के कमलापुर थाना क्षेत्र स्थित कम्हरिया पुल पर रविवार सुबह एक भीषण सड़क हादसे में दो युवकों की दर्दनाक मौत हो गई। तेज रफ्तार डंपर ने बाइक सवार दोनों युवकों को टक्कर मारते हुए कुचल दिया, जिससे दोनों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया।
मृतकों की पहचान दीपक (19) निवासी चौड़िया कोठार थाना रामपुर कलां और इंद्रराज (20) निवासी तेलाईगांव थाना सिधौली के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि दोनों युवक शनिवार शाम मजदूरों को लाने के लिए घर से निकले थे, लेकिन सुबह यह हादसा हो गया।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शवों को कब्जे में लेकर पंचनामा भरते हुए पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। हादसे के बाद क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है।थाना प्रभारी इतुल चौधरी ने बताया कि पुलिस ने मौके पर पहुंचकर आवश्यक कार्रवाई की है और मामले में आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है।
प्रयागराज में नदियों के कायाकल्प और बाढ़ मुक्ति हेतु नीदरलैंड्स के साथ रणनीतिक साझेदारी

विश्वनाथ प्रताप सिंह


प्रयागराज। प्रयागराज अपनी जल निकासी और बाढ़ की पुरानी समस्याओं के स्थायी समाधान हेतु 'नदी-केंद्रित' शहरी नियोजन मॉडल की ओर निर्णायक कदम बढ़ा रहा है। इसी क्रम में, मण्डलायुक्त सौम्या अग्रवाल की अध्यक्षता में दो दिवसीय 'जल एक साधन के रूप में' (वॉटर एज़ लीवरेज) कार्यशाला का समापन समारोह आज सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।

इस विशेष आयोजन में नीदरलैंड्स के अंतरराष्ट्रीय विशेषज्ञों और राष्ट्रीय स्तर के हितधारकों ने सहभागिता की, जिसका मुख्य उद्देश्य शहर की जल संबंधी चुनौतियों को सतत विकास के अवसरों में बदलना था। यह कार्यशाला प्रयागराज के लिए तैयार की गई 'शहरी नदी प्रबंधन योजना' (URMP) को धरातल पर उतारने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम था।

कार्यशाला के दौरान प्रयागराज की आंतरिक नदियों और जलमार्गों की वर्तमान स्थिति पर गहन मंथन किया गया, जिसमें कालिंदीपुरम नाले को 'हरित और स्वच्छ' गलियारे के रूप में विकसित करने का विस्तृत प्रस्ताव दिया गया। डच विशेषज्ञों ने 'प्रकृति आधारित समाधानों' के माध्यम से गंदे पानी और वर्षा जल को अलग-अलग प्रवाहित करने वाली 'दोहरी प्रणाली' का सुझाव दिया। इस नवाचार से न केवल क्षेत्र की स्वच्छता सुनिश्चित होगी, बल्कि शहर को जल निकासी का एक सुदृढ़ विकल्प भी प्राप्त होगा।

कार्यशाला में आगामी कुंभ मेला 2031 को ध्यान में रखते हुए यमुना तट (रिवरफ्रंट) के लिए एक रोडमैप भी प्रस्तुत किया गया। प्रस्तावित डिजाइन में एक 'पारिस्थितिक पार्क' और 'प्रदर्शनी घाट' शामिल है, जो जैव विविधता और स्थानीय अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देगा। यह परियोजना इस बात का अनूठा उदाहरण होगी कि कैसे आधुनिक शहरी बुनियादी ढांचा और नदियों का प्राकृतिक स्वरूप एक साथ विकसित हो सकते हैं।

ससुर खदेरी नदी के पुनरुद्धार को भी प्राथमिकता दी गई। वर्तमान में यह नदी व्यापक अवैध कब्जों, अनियोजित निर्माण और शहरी कचरे के कारण एक संकरे और प्रदूषित नाले में तब्दील हो चुकी है। इसकी जल धारण क्षमता कम होने के कारण मानसून के दौरान यह उफान पर आ जाती है, जिससे आसपास के रिहायशी इलाकों में भीषण जलभराव होता है। विशेषज्ञों ने इन रुकावटों को हटाने, नदी क्षेत्र को अतिक्रमण मुक्त करने और इसे पुनः शहर के मुख्य निकासी तंत्र से जोड़ने के लिए सुझाव दिए।

इस पहल के तहत, डच कार्यक्रम तकनीकी सहायता के अवसर तलाशेगा और प्रयागराज के लिए चिन्हित दो प्रमुख कार्यों के लिए 'विस्तृत परियोजना रिपोर्ट' (DPR) तैयार करने में सहयोग करेगा। इस दौरान स्थानीय चुनौतियों, जैसे कि शहरी रूपरेखा, गाद प्रबंधन और अपशिष्ट प्रबंधन की पहचान की गई है। यमुना तट के लिए प्रस्तावित पार्क न केवल स्वास्थ्य और मनोरंजन को बढ़ावा देगा, बल्कि मौजूदा घाटों और नौका क्लब (बोट क्लब) को जोड़ते हुए एक नया पारिस्थितिक स्वरूप प्रदान करेगा।

समापन सत्र को संबोधित करते हुए मण्डलायुक्त सौम्या अग्रवाल ने स्पष्ट किया कि शहर की मुख्य समस्याओं की पहचान की जा चुकी है और अब इन्हें समयबद्ध तरीके से क्रियान्वित करने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि जल प्रबंधन में नीदरलैंड्स का वैश्विक अनुभव प्रयागराज के लिए एक मार्गदर्शक रूपरेखा का कार्य करेगा। नगर आयुक्त श्री साई तेजा ने इस बात पर जोर दिया कि नदियों का पारिस्थितिक संतुलन बहाल करना शहर के भविष्य के लिए अनिवार्य है। 'विश्व जल दिवस' (22 मार्च) से पूर्व आयोजित इस बैठक में "जल और महिला नेतृत्व" विषय पर भी विशेष चर्चा हुई, जिसमें मण्डलायुक्त ने कहा कि जल सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए निर्णय लेने की प्रक्रिया में महिलाओं की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है।

यह आयोजन राज्य स्वच्छ गंगा मिशन-उत्तर प्रदेश और नीदरलैंड सरकार के सहयोग से आयोजित किया गया था। इस अवसर पर नीदरलैंड्स के जल आयुक्त मिस्टर सैंडर कारपाई, राष्ट्रीय स्वच्छ गंगा मिशन के उप महानिदेशक श्री नलिन श्रीवास्तव, संयुक्त राष्ट्र पर्यावास (UN-Habitat) और नीदरलैंड दूतावास के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
नए यमुना पुल पर रात होते ही कानून बेबस! गलत दिशा में दौड़ते वाहन, पासर गिरोह की अवैध वसूली का खेल

आधी रात के बाद हाईवे बन जाता है ‘नो-रूल ज़ोन’, ट्रक- डंपर जबरन पास, पुलिस- प्रशासन बेखबर!



विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज। नए यमुना पुल और उसके आसपास की सड़कों पर अनियंत्रित और अराजक यातायात अब बड़ी समस्या बनता जा रहा है। हालात ऐसे हैं कि यहां यातायात व्यवस्था को नियंत्रित करने की कोई मुकम्मल योजना धरातल पर नजर नहीं आ रही। खासकर रात होते ही पूरा इलाका मानो नियमों से मुक्त हो जाता है और सड़कों पर मनमानी शुरू हो जाती है। रीवा, चित्रकूट, बांदा, मिर्जापुर और वाराणसी की ओर से आने-जाने वाले भारी वाहन चालक आधी रात के बाद पूरी तरह बेलगाम हो जाते हैं। गलत दिशा से तेज रफ्तार में वाहन दौड़ाना, जबरन आगे निकलना और दूसरे वाहनों को दबाव बनाकर रास्ता खाली कराने जैसी घटनाएं आम हो चुकी हैं। इससे हर समय बड़े हादसे का खतरा बना रहता है।

अवैध वसूली का खेल, जबरन पास कराए जाते हैं वाहन

सूत्रों के अनुसार रात के अंधेरे में नए यमुना पुल पर एक संगठित पासर गिरोह सक्रिय हो जाता है। यह गिरोह हाईवे से आने वाले ट्रक, डंपर और भारी वाहनों से अवैध वसूली करता है और फिर उन्हें जबरन पास कराता है। कई बार ओवरलोड वाहन भी इसी सहारे शहर के अंदर तक पहुंच जाते हैं। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि इतना सब कुछ खुलेआम होने के बावजूद पुलिस, प्रशासन और आरटीओ के जिम्मेदार अधिकारी अनजान बने हुए हैं, जिससे लोगों में तरह-तरह की चर्चाएं भी शुरू हो गई हैं।

रात में इन जगहों पर सक्रिय रहता है गिरोह

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार रात के समय मामा-भांजा तालाब, खान चौराहा, लेप्रोसी चौराहा, जेल के सामने, बांगड़ धर्मशाला के आसपास पासर गिरोह के सदस्य सक्रिय हो जाते हैं। कुछ लोग बाइक से चलते हैं तो कुछ चार पहिया वाहनों से ओवरलोड ट्रक और डंपर के आगे-पीछे चलकर रास्ता साफ कराते हैं। जैसे ही रास्ते में नीली या लाल बत्ती जलती कोई सरकारी गाड़ी दिखाई देती है, गिरोह के सदस्य तुरंत किनारे हो जाते हैं, जिससे उनकी गतिविधियां पकड़ में नहीं आ पातीं।

कभी भी हो सकता है बड़ा हादसा

स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर जल्द ही नए यमुना पुल और आसपास की सड़कों पर सख्त निगरानी नहीं की गई, तो किसी दिन बड़ा हादसा हो सकता है। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि रात के समय विशेष चेकिंग अभियान चलाकर गलत दिशा में चलने वाले और अवैध वसूली करने वालों पर कड़ी कार्रवाई की जाए।
बारा विधायक डॉ. वाचस्पति के पहुंचते ही बदला माहौल, शंकरगढ़ का होली मिलन बना एकता और उत्साह का बड़ा संदेश
रंग, रिश्ते और राजनीति के बीच दिखी समाज की ताकत — डॉ. वाचस्पति बोले, “ऐसे आयोजन ही जोड़ते हैं लोगों के दिल”


विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज। यमुनानगर क्षेत्र के बारा तहसील अंतर्गत शंकरगढ़ में शुक्रवार को होली मिलन समारोह सिर्फ एक त्योहार का कार्यक्रम नहीं रहा, बल्कि यह सामाजिक एकता, राजनीतिक उपस्थिति और आपसी भाईचारे का ऐसा मंच बन गया, जिसकी चर्चा पूरे क्षेत्र में होती रही। नगर पंचायत स्थित केसरवानी धर्मशाला में आयोजित इस समारोह में जैसे-जैसे लोगों की भीड़ बढ़ती गई, वैसे-वैसे माहौल में उत्साह, जिज्ञासा और अपनापन भी बढ़ता गया। कार्यक्रम की खास बात तब देखने को मिली जब बारा विधायक डॉ. वाचस्पति समारोह में पहुंचे। उनके पहुंचते ही पूरा पंडाल तालियों से गूंज उठा। व्यापारियों, युवाओं और बुजुर्गों ने उनका जोरदार स्वागत किया। कई लोग उनसे मिलने के लिए आगे बढ़े, तो कुछ लोग दूर खड़े होकर पूरे कार्यक्रम को गौर से देखते रहे। माहौल ऐसा लग रहा था मानो कोई बड़ा सामाजिक आयोजन चल रहा हो, जहां हर व्यक्ति अपनी मौजूदगी दर्ज कराना चाहता हो। होली मिलन के दौरान रंग- गुलाल का दौर शुरू हुआ तो औपचारिकता की जगह अपनापन नजर आने लगा। लोग एक-दूसरे को रंग लगाकर गले मिलते रहे। इसी बीच मंच से गीत, कविताएं और हास्य प्रस्तुतियां भी हुईं, जिसने माहौल को और भी जीवंत बना दिया। कई बुजुर्गों ने कहा कि पहले ऐसे आयोजन अक्सर होते थे, लेकिन अब कम दिखाई देते हैं, इसलिए इस कार्यक्रम ने पुरानी यादें ताजा कर दीं। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक डॉ. वाचस्पति ने कहा कि होली का असली अर्थ यही है कि समाज के लोग अपने मतभेद भूलकर एक साथ बैठें, बात करें और रिश्तों को मजबूत बनाएं। उन्होंने कहा कि जब समाज जुड़ा रहता है तो क्षेत्र अपने-आप आगे बढ़ता है। उन्होंने आयोजकों की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे आयोजन केवल त्योहार नहीं बल्कि समाज को दिशा देने का काम करते हैं। कार्यक्रम का संचालन सुरेश केसरवानी ने किया, जबकि आयोजन में व्यापार मंडल के पदाधिकारी और नगर के कई प्रमुख लोग मौजूद रहे। समारोह खत्म होने के बाद भी लोग देर तक कार्यक्रम की चर्चा करते रहे। कई लोगों का कहना था कि लंबे समय बाद ऐसा आयोजन देखने को मिला जिसमें त्योहार के साथ-साथ समाज की एकजुटता भी साफ दिखाई दी।
"प्रकृति सुरक्षित, तो ही मानव सुरक्षित": सरहुल पूजा में शामिल हुए सीएम हेमंत सोरेन, राज्य की खुशहाली की मांगी दुआ।

रांची: झारखंड के महापर्व 'सरहुल' के पावन अवसर पर आज राजधानी रांची स्थित आदिवासी कॉलेज छात्रावास परिसर, करमटोली में भक्ति, परंपरा और उल्लास का अद्भुत नजारा देखने को मिला। मुख्यमंत्री श्री हेमंत सोरेन अपनी धर्मपत्नी सह विधायक श्रीमती कल्पना सोरेन के साथ इस भव्य सरहुल पूजा महोत्सव में सम्मिलित हुए। मुख्यमंत्री ने पारंपरिक विधि-विधान से प्रकृति की पूजा-अर्चना की और समस्त राज्यवासियों की सुख, समृद्धि एवं उन्नति की मंगलकामना की।

मांदर की थाप पर झूमे मुख्यमंत्री

महोत्सव का सबसे खास पल वह रहा जब मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने स्वयं अपने हाथों में मांदर थाम लिया। मांदर की गूँज और पारंपरिक धुनों के बीच मुख्यमंत्री ने आदिवासी समुदाय की खुशियों को साझा किया। उनके साथ कृषि मंत्री श्रीमती शिल्पी नेहा तिर्की और विधायक कल्पना सोरेन ने भी मांदर की थाप पर कदम मिलाए, जिससे वहां मौजूद हजारों छात्र-छात्राओं और श्रद्धालुओं का उत्साह सातवें आसमान पर पहुँच गया।

"प्रकृति ही आदि और अंत है": मुख्यमंत्री का संबोधन

जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री श्री हेमंत सोरेन ने प्रकृति और मानव जीवन के गहरे संबंध पर जोर दिया। उन्होंने कहा, "प्रकृति से ही सभी चीजों का सृजन होता है और अंत में प्रकृति में ही विलय होता है। अगर प्रकृति नहीं होती, तो मानव जीवन और इस संसार के किसी भी जीव-जंतु की कल्पना करना असंभव था।"

मुख्यमंत्री ने आधुनिक युग की आपा-धापी का जिक्र करते हुए कहा कि हमारे पूर्वजों ने बड़े ही योजनाबद्ध तरीके से हमें ऐसी परंपराएं सौंपी हैं, जहाँ हम एक छत या एक पेड़ के नीचे एकत्रित होकर अपनी जड़ों से जुड़ते हैं। उन्होंने आह्वान किया कि इन समृद्ध परंपराओं को अगली पीढ़ी तक पहुँचाना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।

पर्यावरण संरक्षण का दिया संदेश

मुख्यमंत्री ने भौतिकवादी युग में प्रकृति की रक्षा को अनिवार्य बताया। उन्होंने कहा कि आज जब दुनिया पर्यावरण संकट से जूझ रही है, तब आदिवासी समाज की प्रकृति-पूजा की यह व्यवस्था पूरी दुनिया को रास्ता दिखाती है। "प्रकृति सुरक्षित रहेगी, तभी हमारा अस्तित्व बचेगा," मुख्यमंत्री के इस संदेश ने वहां मौजूद युवाओं को प्रेरित किया।

शुभकामनाओं का दौर

कार्यक्रम के दौरान कृषि मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की और विधायक कल्पना सोरेन ने भी समस्त झारखंड वासियों को सरहुल की बधाई दी। उन्होंने कहा कि सरहुल केवल एक पर्व नहीं, बल्कि झारखंड की पहचान और गौरव का प्रतीक है।

आदिवासी कॉलेज छात्रावास का ऐतिहासिक महत्व

मुख्यमंत्री ने अपनी पुरानी यादों को ताजा करते हुए कहा कि वे हर वर्ष इस प्रांगण में आते रहे हैं और भविष्य में भी यहाँ के छात्र-छात्राओं से मिलने आते रहेंगे। करमटोली का यह छात्रावास परिसर वर्षों से सरहुल महोत्सव का मुख्य केंद्र रहा है, जहाँ राज्य के कोने-कोने से आए आदिवासी छात्र अपनी संस्कृति को जीवंत रखते हैं।

गंगा ग्राम में आयोजित हुआ विश्व जल दिवस कार्यक्रम, लोगों को किया जागरूक
फर्रुखाबाद l जिला गंगा समिति के तत्वाधान में आयोजित किया जा रहे गंगा स्वच्छता पखवाड़ा कार्यक्रम के अंतर्गत आज विश्व जल दिवस के अवसर पर गंगा ग्राम धीमपुरा में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया ।जिला परियोजना अधिकारी निहारिका पटेल के निर्देशन में कई युवाओं  ने प्रतिभाग किया।उन्होंने कहा कि जल हमारे जीवन के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है क्योंकि जल ही जीवन है। प्रायः देखा गया है कि घर के कार्यों में हम प्रतिदिन जल का उपयोग करते हैं एवं अज्ञानता वश जल को व्यर्थ कर देते हैं। यदि प्रत्येक मनुष्य चाहे तो जल की उपयोगिता को कम करके जल का संरक्षण कर सकते है। हम सभी जानते हैं कि हमारे पर्यावरण में जल का स्तर प्रत्येक दिन गिरता ही जा रहा है जो चिंता का विषय है।लोग अनजाने में बिना उपयोग के ही कई लीटर पानी प्रतिदिन बर्बाद कर देते हैं जिसे हमारी धरती का जल कम होता जा रहा है एवं शुद्ध जल समाप्त हो रहा है। यह बहुत चिंता का विषय है।अतः हम सभी को मिलकर यह शपथ लेनी चाहिए कि हम सभी जल की उपयोगिता को समझे एवं एक-एक बूंद बचाने का प्रयास करें। हम स्वयं भी जल का जितना हो सके कम प्रयोग करें एवं अन्य लोगों को भी इसके लिए जागरूक करें। कई जगह पर देखा गया है कि घरों में नल लगे हैं परंतु उन नलों को बंद करने के लिए कोई संसाधन नहीं है उनमें से जल ऐसे ही बहता रहता हैं और शुद्ध जल बहकर नाली में जाता है। यदि समय रहते हम सभी ने जल को बचाने के लिए प्रयास नहीं किया तो हमारी आने वाली पीढ़ी को जल के लिए बहुत समस्याओं का सामना करना पड़ेगा। जैसे कि कई देशों और कई जिलों में करना पड़ रहा है। लोगों को जल लेने के लिए कई किलोमीटर दूर चलना पड़ता है।महिलाओं  को पैदल चलकर पानी लाना पड़ता है। अतः सभी को इसके लिए समय रहते प्रयास करना चाहिए। इस अवसर पर जल कलश में सभी ने अपने-अपने माध्यम से बचाए हुए जल को एकत्रित किया एवं यह संदेश दिया कि यदि प्रत्येक मनुष्य प्रतिदिन थोड़ा-थोड़ा जल भी बचाएगा तो बहुत बड़ी मात्रा में जल का संरक्षण हो सकेगा। इसके आंतरिक स्वच्छता के लिए सभी को जागरूक किया गया।इस अवसर पर उपस्थित सभी लोगों को पर्यावरण से संबंधित पंपलेट पोस्टर भी वितरित किए गए। कार्यक्रम में प्रशिक्षक रोहित दीक्षित, गंगा योद्धा पल्लवी, अश्मित एवं अन्य लोग उपस्थित रहे।
मांडू-बरही में सांसद मनीष जायसवाल का दंड वितरण अभियान तेज, 1 दिन में 424 अखाड़ों तक पहुंचा परंपरा का संदेश

मांडू/बरही - हजारीबाग की ऐतिहासिक रामनवमी की पारंपरिक अस्त्र शस्त्र कला कौशल प्रदर्शन को पुनर्जीवित करने के उद्देश्य से हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के सांसद मनीष जायसवाल द्वारा बीते कुछ वर्षों से रामनवमी से पूर्व क्षेत्र के अखाड़ा धारियों के बीच दंड का वितरण किया जाता रहा है। सांसद दंड वितरण अभियान-2026 के तहत सांसद मनीष जायसवाल लगातार चौथे दिन इस अभियान में अहले सुबह से लेकर देर रात तक जुटे रहें। उन्होंने इसकी शुरुआत रविवार को अहले सुबह मांडू विधानसभा क्षेत्र के टाटीझरिया प्रखंड अंतर्गत डूमर पंचायत के कोल्हू हनुमान मंदिर प्रांगण से किया और इसका समापन बरही विधानसभा क्षेत्र के पदमा में दंड वितरण के साथ हुआ। सांसद मनीष जायसवाल ने रविवार को मांडू और बरही विधानसभा क्षेत्र के कुल 09 मंडलों में अलग-अलग जगहों पर सांसद दंड वितरण अभियान चलाकर कुल 424 अखाड़ा धारियों को दंड भेंट किया। जिसमें टाटीझरिया मंडल में 50, विष्णुगढ़ पश्चिमी मंडल में 76, बरही पूर्वी मंडल में 29, बरही पश्चिमी मंडल में 45, चंदवारा मंडल में 38, चौपारण पूर्वी मंडल में 46, चौपारण मध्य मंडल में 43, चौपारण पश्चिमी में 48 और पदमा मंडल में 49 अखाड़ों तक सांसद मनीष जायसवाल ने यह भेंट पहुंचाया। सांसद मनीष जायसवाल के साथ बरही विधानसभा क्षेत्र में बरही के विधायक मनोज यादव सभी जगहों पर दंड वितरण अभियान में साथ रहें और सामूहिक रूप से नेताद्वय ने अखाड़ा धारियों को दंड भेंटकर उनका उत्साह बढ़ाया। इस दौरान सभी जगहों पर सांसद मनीष जायसवाल और बरही विधायक मनोज यादव का स्थानीय रामभक्तों ने उत्साहपूर्वक गर्मजोशी से जबरदस्त स्वागत किया। बरसोत में पुराने रामभक्तों ने जब दंड पर अपने अभूतपूर्व कला-कौशल का शानदार प्रदर्शन किया तो सांसद मनीष जायसवाल और बरही विधायक मनोज यादव ने खूब तालियां बजाई। 

मौके पर सांसद मनीष जायसवाल ने उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए कहा कि भारतीय सनातन संस्कृति में शस्त्र और शास्त्र दोनों का विशेष महत्व है। हजारीबाग के ऐतिहासिक रामनिवामी की समृद्ध परंपरा में कला-कौशल का अहम योगदान है जिसके कारण इसे इतनी ख्याति मिली। पूर्व के समय में यहाँ रामनवमी में विशाल महावीर पताखे के साथ लोग शोभायात्रा में संयमित और अनुशासित होकर भक्तिभाव से शामिल होते थे लेकिन मौजूदा समय में स्थितियां बदली है और अब अस्त्र-शस्त्र का कला प्रदर्शन कम हुआ है। ऐसे में इसे जीवंत करने के उद्वेश्य से मैंने पूरे हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के करीब 3,000 से अधिक अखाड़ों तक पहुंचकर अखाड़ा धारियों का उत्साहवर्धन करते हुए दंड भेंट करने का अभियान चला रहा हूं ताकि रामनवमी के शोभायात्रा में दंड प्रदर्शन का खेल दिखे और हम अपनी परंपरा को अक्षुण्ण रखें। बरही विधायक मनोज यादव ने कहा कि सांसद मनीष जायसवाल का अपने धर्म एवं संस्कृति की परंपरा की रक्षा के लिए यह पहल बेहद ही कारगर है। उन्होंने कहा कि अगर अपनी संस्कृति को जीवंत रखना है परंपरा को भावी पीढ़ी तक पहुंचना है तो शास्त्र के ज्ञान के साथ शस्त्र का परिचयन अभ्यास भी बेहद जरूरी है। 

मौके पर विशेषरूप से सांसद प्रतिनिधि अजय साहू, द्वारिका सिंह उर्फ खोखा सिंह, रंजन चौधरी, टाटीझरिया में प्रमुख सह सांसद प्रतिनिधि संतोष मंडल, टाटीझरिया बीजेपी मंडल अध्यक्ष कैलाशपति सिंह, उपप्रमुख रवि वर्णवाल, जिप सदस्य रामप्रसाद, पूर्व जिप सदस्य रवि सिंह, मुखिया शिबू प्रसाद सोनी, राजू यादव, महेश अग्रवाल, रजनीकांत चौधरी, विष्णुगढ़ में स्थानीय सांसद प्रतिनिधि रविंद्र कुमार वर्णवाल उर्फ दीपू भाई, विष्णुगढ़ महासमिति अध्यक्ष रवि पाण्डेय, पूर्व मंडल अध्यक्ष किशोर कुमार मंडल, विनोद सिंह, सुनील सिंह, बरही विधानसभा में जिप उपाध्यक्ष किशुन यादव, बरही विधानसभा सांसद प्रतिनिधि मुकुंद साव, विधायक प्रतिनिधि रमेश ठाकुर, जिला सांसद प्रतिनिधि बंटी मोदी, रामनवमी महासमिति अध्यक्ष भगवान केशरी, सांसद सह प्रतिनिधि रामस्वरूप पासवान, रंजीत चंद्रवंशी, मणिलाल यादव, जिप सदस्य प्रीति कुमारी, बरही विधानसभा सांसद मीडिया प्रतिनिधि रितेश कुमार, मंडल सांसद प्रतिनिधि मोतीलाल चौधरी, भगवान केशरी, सुखदेव साव, अजय मेहता, रिशु बर्णवाल, आशीष कुमार सिंह, सहदेव यादव, मंडल अध्यक्ष विजय यादव, नागेश्वर रजक, नंदकिशोर सोनी, बाबूलाल मेहता, आरती कौशल, रेवा शंकर साव, मुकेश सिन्हा, विधायक प्रतिनिधि लक्ष्मण यादव, नारायण यादव, राजदेव यादव, गुरुदेव गुप्ता, सुरेंद्र रजक, अर्जुन साव, मुखिया राजेन्द्र प्रसाद, भुनेश्वर साव, मनोज साव, मुखिया राजेन्द्र प्रसाद, महेन्द्र केशरी, बिनोद सिंह, जयप्रकाश केशरी, संतोष सिंह, सुबोध केशरी, अशोक यादव, युगल किशोर यादव, पप्पू चंद्रवंशी, गौतम सिंह, नवलकिशोर सिंह, शिवा निषाद, राजेश केशरी, बिरेन्द्र कुमार, कपिल साव, राजकुमार साव, चौरंगीलाल गुप्ता, प्रो. हिरामन साव, ज्योतिष यादव, दिनेश साव, प्रमोद सिंह, उपेंद्र सिंह, मुन्ना यादव, पंसस सुजीत कुमार, रामचंद्र टुड्डू, संतोष यादव, राजदेव यादव, बासुदेव यादव, रघु मोदी, कांति देवी, विनोद यादव, डिलो पासवान, अरविंद कुमार, सागर चंद्रवंशी, अर्जुन यादव, मनोज नाथ कर्णदेव, प्रकाश यादव, अनिल मण्डल, महेश मण्डल, प्रदीप यादव, ब्रह्मदेव यादव, मुकेश यादव, विकास यादव, रामदेव यादव, मंडल प्रतिनिधि दुखदेव साव, उपाध्यक्ष आनंद मोदी, द्वारिका राणा, राजू यादव, बिरेन्द्र यादव, सुरेश यादव, बिरेन्द्र यादव, खूबलाल साव, सुदीप यादव, नारायण पांडेय, मुन्ना बर्णवाल, रामदेव यादव सहित अन्य गणमान्य लोग मौजूद रहें।

विष्णुगढ़ में हाई मास्क लाइट का उद्घाटन, सांसद मनीष जायसवाल ने किया शुभारंभ

विष्णुगढ़ - हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के सांसद मनीष जायसवाल के अनुशंसा पर ओएनजीसी, बोकारो ने मांडू विधानसभा क्षेत्रवके विष्णुगढ़ के सार्वजनिक मंदिर एवं थाना चौक बाजार टांड़ में हाई मास्क लाइट का अधिष्ठान कराया है। इसका विधिवत उद्घाटन रविवार की सुबह हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के सांसद मनीष जायसवाल ने नारियल फोड़कर, फीता काटकर और स्वीच ऑन करके किया। स्वीच ऑन होते ही तालियों से यहां गुंजायमान हो उठा ।

मौके पर सांसद मनीष जायसवाल ने कहा कि विष्णुगढ़ प्रखंड क्षेत्र में करीब 50 हाई मास्ट लाइट का अधिष्ठान विभिन्न कंपनियों के सीएसआर के माध्यम से कराया जा रहा है। जिसमें शहरी क्षेत्र में बिजली आधारित और ग्रामीण इलाके में सोलर आधारित लाइट का अधिष्ठान कराया जा रहा है। प्रथम फेज के बाद दूसरे फेज में भी छुटे हुए जगहों पर लाइट अधिष्ठान कराया जाएगा ताकि क्षेत्र रोशनी से पटा रहें। सांसद मनीष जायसवाल ने ओएनजीसी बोकारो के इस पहल की सराहना की और कहा कि सामाजिक जिम्मेवारी निर्वहन करते हुए ओएनजीसी बोकारो ने जनजीवन के हित का सदैव ख्याल रखा है जो अच्छी बात है। विष्णुगढ़ के रमुआ दुर्गा मंदिर सह बाजार प्रांगण अब रोशनी से पटा रहेगा और लोगों को रात्रि बेला में इसका लाभ मिलेगा ।

मौके पर विशेषरूप से मांडू विधानसभा क्षेत्र के सांसद प्रतिनिधि द्वारिका सिंह उर्फ खोखा सिंह, हजारीबाग जिला सांसद प्रतिनिधि अजय कुमार साहू, हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के सांसद मीडिया प्रतिनिधि रंजन चौधरी, स्थानीय सांसद प्रतिनिधि रविन्द्र कुमार वर्णवाल उर्फ दीपू भाई, महासमिति अध्यक्ष रवि पाण्डेय, पूर्व मंडल अध्यक्ष किशोर कुमार मंडल ,महासमिति के सभी पदाधिकारीगण,पूर्व महासमिति अध्यक्ष बिनोद सिंह जी,सुनील मिश्रा, शंकर वर्मन, शशि लहकर, राजू श्रीवास्तव, सुनील अकेला, लखन प्रसाद, राजेंद्र यादव, छोटेलाल प्रसाद, वकील सिंह, संदीप लहकर, बिनोद प्रसाद, सुरेश रजवार, संदीप कुमार, हस्तशिल्प विकास संस्थान, हजारीबाग के सचिव नरेश ठाकुर, अध्यक्ष उमा कुमारी, कोषाध्यक्ष संजय गोप, पंकज ठाकुर, रेनू कुमारी, गीता कुमारी सहित अनेक स्थानीय जनप्रतिनिधि एवं समाजसेवीगण मौजूद रहे।

टाटीझरिया के कोल्हू गांव में भक्ति की गूंज, 401 कलश यात्रा के साथ श्री श्री 108 मारुतिनंदन महायज्ञ का शुभारंभ

टाटीझरिया - हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के मांडू विधानसभा अंतर्गत टाटीझरिया प्रखंड के डूमर पंचायत स्थित ग्राम कोल्हू में भक्ति और उत्साह का अद्भुत नजारा देखने को मिला। यहाँ नवनिर्मित बजरंगबली मंदिर के प्राण प्रतिष्ठा के पावन अवसर पर आयोजित पांच दिवसीय श्री श्री 108 मारुतिनंदन महायज्ञ का श्रीगणेश रविवार की अहले सुबह दिव्य कलश यात्रा के साथ हुआ। इस भव्य यात्रा की शुरुआत बतौर मुख्य अतिथि हजारीबाग सांसद मनीष जायसवाल ने यज्ञ मंडप पर बजरंगबली सहित समस्त देवी-देवताओं की सविधि आराधना करने के उपरांत 401 कलश यात्रियों के माथे पर कलश रखकर कराई। गाजे- बाजे और डीजे पर थिरकते हुए और जय श्री राम के उद्घोष के बीच अनुशासित श्रद्धालु डूमर स्थित जलपना डैम से पवित्र जल भरने हेतु भक्तिभाव में झूमते हुए रवाना हुए। 

इस अवसर पर स्थानीय यज्ञ समिति द्वारा सांसद मनीष जायसवाल का जोरदार स्वागत फूल माला पहनाकर और भगवा वस्त्र ओढ़ाकर किया गया। यहाँ उमड़े जनसमूह संग सांसद मनीष जायसवाल ने सनातन धर्म की वर्तमान चुनौतियों पर उनसे गंभीर चर्चा की। उन्होंने कहा कि आज सनातन धर्म पर चौतरफा दबाव है, जहाँ एक वर्ग आर्थिक प्रलोभन देकर धर्मांतरण करा रहा है तो दूसरा आबादी के असंतुलन का प्रयास कर रहा है। उन्होंने आंकड़ों का हवाला देते हुए सजग किया कि आजादी के समय जो हिंदू आबादी लगभग 93% थी, वह अब घटकर करीब 65% रह गई है। सांसद मनीष जायसवाल ने आह्वान किया कि हिंदुओं को बांटने के बड़े षड्यंत्र को कुचलने के लिए हमें जातियों के भेदों को भुलाकर एक होना होगा। सनातनी आस्था तभी सुदृढ़ होगी जब हम एकजुट रहेंगे। 

22 मार्च से शुरू हुआ यह भक्तिमय अनुष्ठान आगामी 26 मार्च को विशाल भंडारे और पूर्णाहुति के साथ संपन्न होगा, जिसमें समूचे क्षेत्र के श्रद्धालुओं की सहभागिता रहेगी। 

मौके पर विशेष रूप से मांडू विधानसभा क्षेत्र के सांसद प्रतिनिधि द्वारिका सिंह उर्फ खोखा सिंह, हजारीबाग जिला सांसद प्रतिनिधि अजय कुमार साहू, टाटीझरिया प्रमुख संतोष मंडल, भाजपा मंडल अध्यक्ष कैलाशपति सिंह, उपप्रमुख रवि वर्णवाल, जिप सदस्य रामप्रसाद, पूर्व जिप सदस्य रवि सिंह, मुखिया शिबू प्रसाद सोनी, राजू यादव, रजनीकांत चौधरी, राजेश कुमार यादव, उपेंद्र पांडेय, कोडरमा सांसद प्रतिनिधि सह मंडल अध्यक्ष महेश अग्रवाल, परमेश्वर प्रसाद यादव, सुरेश प्रसाद कुशवाहा, निखिल सिंह, सुशांत सिंह, संदीप गंझू, ज्योतिष पंडा, कृष्णा साव, अनिल प्रसाद, जीवाधन प्रसाद, संतोष राम, हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के सांसद मीडिया प्रतिनिधि रंजन चौधरी सहित अन्य गणमान्य लोग मौजूद रहें। इस महायज्ञ की सफल बनाने में अध्यक्ष संतोष मंडल, उपाध्यक्ष मुकेश मंडल, सचिव प्रकाश प्रसाद और सह सचिव अशोक प्रसाद कोषाध्यक्ष दिलेश्वर प्रसाद साहु सहित समिति के नारायण महतो, लालचंद प्रसाद, पंकज मंडल, शंकर प्रसाद, अमृत प्रसाद, अखिलेश प्रसाद, अजित प्रसाद, राजेंद्र प्रसाद, फूलचंद मंडल, शंभू प्रसाद, बिरेंद्र प्रसाद, जगदेव प्रसाद, चिंतामन महतो, सुनील कुमार जुटे हुए हैं ।

ई० विवेक बरनवाल बने भारतीय जनता पार्टी मीरजापुर के जिला कार्यसमिति सदस्य
मीरजापुर। भारतीय जनता पार्टी मीरजापुर का जिला कार्यसमिति सदस्य बनाए जाने पर ई. विवेक बरनवाल ने संगठन के प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी, क्षेत्रीय अध्यक्ष दिलीप पटेल एवं जिला अध्यक्ष लाल बहादुर सरोज सहित सभी शीर्ष नेतृत्व को धन्यवाद कहा। कहा कि भारतीय जनता पार्टी सदैव अपने बूथ स्तर से लेकर के राष्ट्रीय स्तर तक के कार्यकर्ताओं को निरंतर प्रशिक्षण के माध्यम से सशक्त बनाती हैं एवं अलग-अलग अभियानों के द्वारा प्रदेश एवं केंद्रीय नेतृत्व द्वारा चलाए जा रहे जनकल्याणकारी योजनाओं को जन-जन तक पहुंचाने का कार्य करती है। भारतीय जनता पार्टी अपने कार्यकर्ताओं के माध्यम से समाज के हर वर्ग को मुख्य धारा में लाने का काम करती है तथा भारतीय जनता पार्टी से हर वर्ग और सभी जातियों के लोग जुड़े हुए हैं और यही पार्टी की खूबसूरती है। भारतीय जनता पार्टी में पन्ना प्रमुख से लेकर के बूथ स्तर तक का कार्यकर्ता पार्टी के किसी भी पद पर आसीन हो सकता है और यही कार्य करता संगठन को मजबूती देते हुए सरकार बनाने में अपना योगदान देते हैं। पार्टी में महिला सशक्तिकरण का बात हो या फिर मां की शक्ति को उचित स्थान देने का बात हो पार्टी निरंतर इस कार्य करती है और वर्तमान में जिला पदाधिकारी की जो सूची हर जिले की आई है उसमें भी महिलाओं को उचित स्थान दिया गया है। माननीय प्रधानमंत्री जी के 2047 के विकसित भारत के संकल्पना को पूरा करने में सभी कार्यकर्ता निरंतर कार्य कर रहें और भारतीय जनता पार्टी के मूल सिद्धांत एकात्म मानववाद एवं अन्त्योदय के सिद्धांत पर निरंतर अग्रसर हैं। ई विवेक बरनवाल को जिला कार्यसमिति सदस्य बनने पर मुकेश अग्रहरी, प्रतिक अग्रवाल, रमाकांत दुबे, सुशील सिंह, रूपनारायण अग्रहरी सहित सैकड़ों लोगों ने बधाई दी।
सीतापुर-तेज रफ्तार डंपर से कुचलकर बाइक सवार दो युवकों की मौत
लखनऊ /सीतापुर। उत्तर प्रदेश के सीतापुर जिले के कमलापुर थाना क्षेत्र स्थित कम्हरिया पुल पर रविवार सुबह एक भीषण सड़क हादसे में दो युवकों की दर्दनाक मौत हो गई। तेज रफ्तार डंपर ने बाइक सवार दोनों युवकों को टक्कर मारते हुए कुचल दिया, जिससे दोनों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया।
मृतकों की पहचान दीपक (19) निवासी चौड़िया कोठार थाना रामपुर कलां और इंद्रराज (20) निवासी तेलाईगांव थाना सिधौली के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि दोनों युवक शनिवार शाम मजदूरों को लाने के लिए घर से निकले थे, लेकिन सुबह यह हादसा हो गया।
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शवों को कब्जे में लेकर पंचनामा भरते हुए पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। हादसे के बाद क्षेत्र में शोक की लहर दौड़ गई है।थाना प्रभारी इतुल चौधरी ने बताया कि पुलिस ने मौके पर पहुंचकर आवश्यक कार्रवाई की है और मामले में आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है।
प्रयागराज में नदियों के कायाकल्प और बाढ़ मुक्ति हेतु नीदरलैंड्स के साथ रणनीतिक साझेदारी

विश्वनाथ प्रताप सिंह


प्रयागराज। प्रयागराज अपनी जल निकासी और बाढ़ की पुरानी समस्याओं के स्थायी समाधान हेतु 'नदी-केंद्रित' शहरी नियोजन मॉडल की ओर निर्णायक कदम बढ़ा रहा है। इसी क्रम में, मण्डलायुक्त सौम्या अग्रवाल की अध्यक्षता में दो दिवसीय 'जल एक साधन के रूप में' (वॉटर एज़ लीवरेज) कार्यशाला का समापन समारोह आज सफलतापूर्वक संपन्न हुआ।

इस विशेष आयोजन में नीदरलैंड्स के अंतरराष्ट्रीय विशेषज्ञों और राष्ट्रीय स्तर के हितधारकों ने सहभागिता की, जिसका मुख्य उद्देश्य शहर की जल संबंधी चुनौतियों को सतत विकास के अवसरों में बदलना था। यह कार्यशाला प्रयागराज के लिए तैयार की गई 'शहरी नदी प्रबंधन योजना' (URMP) को धरातल पर उतारने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम था।

कार्यशाला के दौरान प्रयागराज की आंतरिक नदियों और जलमार्गों की वर्तमान स्थिति पर गहन मंथन किया गया, जिसमें कालिंदीपुरम नाले को 'हरित और स्वच्छ' गलियारे के रूप में विकसित करने का विस्तृत प्रस्ताव दिया गया। डच विशेषज्ञों ने 'प्रकृति आधारित समाधानों' के माध्यम से गंदे पानी और वर्षा जल को अलग-अलग प्रवाहित करने वाली 'दोहरी प्रणाली' का सुझाव दिया। इस नवाचार से न केवल क्षेत्र की स्वच्छता सुनिश्चित होगी, बल्कि शहर को जल निकासी का एक सुदृढ़ विकल्प भी प्राप्त होगा।

कार्यशाला में आगामी कुंभ मेला 2031 को ध्यान में रखते हुए यमुना तट (रिवरफ्रंट) के लिए एक रोडमैप भी प्रस्तुत किया गया। प्रस्तावित डिजाइन में एक 'पारिस्थितिक पार्क' और 'प्रदर्शनी घाट' शामिल है, जो जैव विविधता और स्थानीय अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देगा। यह परियोजना इस बात का अनूठा उदाहरण होगी कि कैसे आधुनिक शहरी बुनियादी ढांचा और नदियों का प्राकृतिक स्वरूप एक साथ विकसित हो सकते हैं।

ससुर खदेरी नदी के पुनरुद्धार को भी प्राथमिकता दी गई। वर्तमान में यह नदी व्यापक अवैध कब्जों, अनियोजित निर्माण और शहरी कचरे के कारण एक संकरे और प्रदूषित नाले में तब्दील हो चुकी है। इसकी जल धारण क्षमता कम होने के कारण मानसून के दौरान यह उफान पर आ जाती है, जिससे आसपास के रिहायशी इलाकों में भीषण जलभराव होता है। विशेषज्ञों ने इन रुकावटों को हटाने, नदी क्षेत्र को अतिक्रमण मुक्त करने और इसे पुनः शहर के मुख्य निकासी तंत्र से जोड़ने के लिए सुझाव दिए।

इस पहल के तहत, डच कार्यक्रम तकनीकी सहायता के अवसर तलाशेगा और प्रयागराज के लिए चिन्हित दो प्रमुख कार्यों के लिए 'विस्तृत परियोजना रिपोर्ट' (DPR) तैयार करने में सहयोग करेगा। इस दौरान स्थानीय चुनौतियों, जैसे कि शहरी रूपरेखा, गाद प्रबंधन और अपशिष्ट प्रबंधन की पहचान की गई है। यमुना तट के लिए प्रस्तावित पार्क न केवल स्वास्थ्य और मनोरंजन को बढ़ावा देगा, बल्कि मौजूदा घाटों और नौका क्लब (बोट क्लब) को जोड़ते हुए एक नया पारिस्थितिक स्वरूप प्रदान करेगा।

समापन सत्र को संबोधित करते हुए मण्डलायुक्त सौम्या अग्रवाल ने स्पष्ट किया कि शहर की मुख्य समस्याओं की पहचान की जा चुकी है और अब इन्हें समयबद्ध तरीके से क्रियान्वित करने की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि जल प्रबंधन में नीदरलैंड्स का वैश्विक अनुभव प्रयागराज के लिए एक मार्गदर्शक रूपरेखा का कार्य करेगा। नगर आयुक्त श्री साई तेजा ने इस बात पर जोर दिया कि नदियों का पारिस्थितिक संतुलन बहाल करना शहर के भविष्य के लिए अनिवार्य है। 'विश्व जल दिवस' (22 मार्च) से पूर्व आयोजित इस बैठक में "जल और महिला नेतृत्व" विषय पर भी विशेष चर्चा हुई, जिसमें मण्डलायुक्त ने कहा कि जल सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए निर्णय लेने की प्रक्रिया में महिलाओं की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण है।

यह आयोजन राज्य स्वच्छ गंगा मिशन-उत्तर प्रदेश और नीदरलैंड सरकार के सहयोग से आयोजित किया गया था। इस अवसर पर नीदरलैंड्स के जल आयुक्त मिस्टर सैंडर कारपाई, राष्ट्रीय स्वच्छ गंगा मिशन के उप महानिदेशक श्री नलिन श्रीवास्तव, संयुक्त राष्ट्र पर्यावास (UN-Habitat) और नीदरलैंड दूतावास के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
नए यमुना पुल पर रात होते ही कानून बेबस! गलत दिशा में दौड़ते वाहन, पासर गिरोह की अवैध वसूली का खेल

आधी रात के बाद हाईवे बन जाता है ‘नो-रूल ज़ोन’, ट्रक- डंपर जबरन पास, पुलिस- प्रशासन बेखबर!



विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज। नए यमुना पुल और उसके आसपास की सड़कों पर अनियंत्रित और अराजक यातायात अब बड़ी समस्या बनता जा रहा है। हालात ऐसे हैं कि यहां यातायात व्यवस्था को नियंत्रित करने की कोई मुकम्मल योजना धरातल पर नजर नहीं आ रही। खासकर रात होते ही पूरा इलाका मानो नियमों से मुक्त हो जाता है और सड़कों पर मनमानी शुरू हो जाती है। रीवा, चित्रकूट, बांदा, मिर्जापुर और वाराणसी की ओर से आने-जाने वाले भारी वाहन चालक आधी रात के बाद पूरी तरह बेलगाम हो जाते हैं। गलत दिशा से तेज रफ्तार में वाहन दौड़ाना, जबरन आगे निकलना और दूसरे वाहनों को दबाव बनाकर रास्ता खाली कराने जैसी घटनाएं आम हो चुकी हैं। इससे हर समय बड़े हादसे का खतरा बना रहता है।

अवैध वसूली का खेल, जबरन पास कराए जाते हैं वाहन

सूत्रों के अनुसार रात के अंधेरे में नए यमुना पुल पर एक संगठित पासर गिरोह सक्रिय हो जाता है। यह गिरोह हाईवे से आने वाले ट्रक, डंपर और भारी वाहनों से अवैध वसूली करता है और फिर उन्हें जबरन पास कराता है। कई बार ओवरलोड वाहन भी इसी सहारे शहर के अंदर तक पहुंच जाते हैं। सबसे चौंकाने वाली बात यह है कि इतना सब कुछ खुलेआम होने के बावजूद पुलिस, प्रशासन और आरटीओ के जिम्मेदार अधिकारी अनजान बने हुए हैं, जिससे लोगों में तरह-तरह की चर्चाएं भी शुरू हो गई हैं।

रात में इन जगहों पर सक्रिय रहता है गिरोह

प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार रात के समय मामा-भांजा तालाब, खान चौराहा, लेप्रोसी चौराहा, जेल के सामने, बांगड़ धर्मशाला के आसपास पासर गिरोह के सदस्य सक्रिय हो जाते हैं। कुछ लोग बाइक से चलते हैं तो कुछ चार पहिया वाहनों से ओवरलोड ट्रक और डंपर के आगे-पीछे चलकर रास्ता साफ कराते हैं। जैसे ही रास्ते में नीली या लाल बत्ती जलती कोई सरकारी गाड़ी दिखाई देती है, गिरोह के सदस्य तुरंत किनारे हो जाते हैं, जिससे उनकी गतिविधियां पकड़ में नहीं आ पातीं।

कभी भी हो सकता है बड़ा हादसा

स्थानीय लोगों का कहना है कि अगर जल्द ही नए यमुना पुल और आसपास की सड़कों पर सख्त निगरानी नहीं की गई, तो किसी दिन बड़ा हादसा हो सकता है। लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि रात के समय विशेष चेकिंग अभियान चलाकर गलत दिशा में चलने वाले और अवैध वसूली करने वालों पर कड़ी कार्रवाई की जाए।
बारा विधायक डॉ. वाचस्पति के पहुंचते ही बदला माहौल, शंकरगढ़ का होली मिलन बना एकता और उत्साह का बड़ा संदेश
रंग, रिश्ते और राजनीति के बीच दिखी समाज की ताकत — डॉ. वाचस्पति बोले, “ऐसे आयोजन ही जोड़ते हैं लोगों के दिल”


विश्वनाथ प्रताप सिंह

प्रयागराज। यमुनानगर क्षेत्र के बारा तहसील अंतर्गत शंकरगढ़ में शुक्रवार को होली मिलन समारोह सिर्फ एक त्योहार का कार्यक्रम नहीं रहा, बल्कि यह सामाजिक एकता, राजनीतिक उपस्थिति और आपसी भाईचारे का ऐसा मंच बन गया, जिसकी चर्चा पूरे क्षेत्र में होती रही। नगर पंचायत स्थित केसरवानी धर्मशाला में आयोजित इस समारोह में जैसे-जैसे लोगों की भीड़ बढ़ती गई, वैसे-वैसे माहौल में उत्साह, जिज्ञासा और अपनापन भी बढ़ता गया। कार्यक्रम की खास बात तब देखने को मिली जब बारा विधायक डॉ. वाचस्पति समारोह में पहुंचे। उनके पहुंचते ही पूरा पंडाल तालियों से गूंज उठा। व्यापारियों, युवाओं और बुजुर्गों ने उनका जोरदार स्वागत किया। कई लोग उनसे मिलने के लिए आगे बढ़े, तो कुछ लोग दूर खड़े होकर पूरे कार्यक्रम को गौर से देखते रहे। माहौल ऐसा लग रहा था मानो कोई बड़ा सामाजिक आयोजन चल रहा हो, जहां हर व्यक्ति अपनी मौजूदगी दर्ज कराना चाहता हो। होली मिलन के दौरान रंग- गुलाल का दौर शुरू हुआ तो औपचारिकता की जगह अपनापन नजर आने लगा। लोग एक-दूसरे को रंग लगाकर गले मिलते रहे। इसी बीच मंच से गीत, कविताएं और हास्य प्रस्तुतियां भी हुईं, जिसने माहौल को और भी जीवंत बना दिया। कई बुजुर्गों ने कहा कि पहले ऐसे आयोजन अक्सर होते थे, लेकिन अब कम दिखाई देते हैं, इसलिए इस कार्यक्रम ने पुरानी यादें ताजा कर दीं। कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विधायक डॉ. वाचस्पति ने कहा कि होली का असली अर्थ यही है कि समाज के लोग अपने मतभेद भूलकर एक साथ बैठें, बात करें और रिश्तों को मजबूत बनाएं। उन्होंने कहा कि जब समाज जुड़ा रहता है तो क्षेत्र अपने-आप आगे बढ़ता है। उन्होंने आयोजकों की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे आयोजन केवल त्योहार नहीं बल्कि समाज को दिशा देने का काम करते हैं। कार्यक्रम का संचालन सुरेश केसरवानी ने किया, जबकि आयोजन में व्यापार मंडल के पदाधिकारी और नगर के कई प्रमुख लोग मौजूद रहे। समारोह खत्म होने के बाद भी लोग देर तक कार्यक्रम की चर्चा करते रहे। कई लोगों का कहना था कि लंबे समय बाद ऐसा आयोजन देखने को मिला जिसमें त्योहार के साथ-साथ समाज की एकजुटता भी साफ दिखाई दी।
"प्रकृति सुरक्षित, तो ही मानव सुरक्षित": सरहुल पूजा में शामिल हुए सीएम हेमंत सोरेन, राज्य की खुशहाली की मांगी दुआ।

रांची: झारखंड के महापर्व 'सरहुल' के पावन अवसर पर आज राजधानी रांची स्थित आदिवासी कॉलेज छात्रावास परिसर, करमटोली में भक्ति, परंपरा और उल्लास का अद्भुत नजारा देखने को मिला। मुख्यमंत्री श्री हेमंत सोरेन अपनी धर्मपत्नी सह विधायक श्रीमती कल्पना सोरेन के साथ इस भव्य सरहुल पूजा महोत्सव में सम्मिलित हुए। मुख्यमंत्री ने पारंपरिक विधि-विधान से प्रकृति की पूजा-अर्चना की और समस्त राज्यवासियों की सुख, समृद्धि एवं उन्नति की मंगलकामना की।

मांदर की थाप पर झूमे मुख्यमंत्री

महोत्सव का सबसे खास पल वह रहा जब मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने स्वयं अपने हाथों में मांदर थाम लिया। मांदर की गूँज और पारंपरिक धुनों के बीच मुख्यमंत्री ने आदिवासी समुदाय की खुशियों को साझा किया। उनके साथ कृषि मंत्री श्रीमती शिल्पी नेहा तिर्की और विधायक कल्पना सोरेन ने भी मांदर की थाप पर कदम मिलाए, जिससे वहां मौजूद हजारों छात्र-छात्राओं और श्रद्धालुओं का उत्साह सातवें आसमान पर पहुँच गया।

"प्रकृति ही आदि और अंत है": मुख्यमंत्री का संबोधन

जनसभा को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री श्री हेमंत सोरेन ने प्रकृति और मानव जीवन के गहरे संबंध पर जोर दिया। उन्होंने कहा, "प्रकृति से ही सभी चीजों का सृजन होता है और अंत में प्रकृति में ही विलय होता है। अगर प्रकृति नहीं होती, तो मानव जीवन और इस संसार के किसी भी जीव-जंतु की कल्पना करना असंभव था।"

मुख्यमंत्री ने आधुनिक युग की आपा-धापी का जिक्र करते हुए कहा कि हमारे पूर्वजों ने बड़े ही योजनाबद्ध तरीके से हमें ऐसी परंपराएं सौंपी हैं, जहाँ हम एक छत या एक पेड़ के नीचे एकत्रित होकर अपनी जड़ों से जुड़ते हैं। उन्होंने आह्वान किया कि इन समृद्ध परंपराओं को अगली पीढ़ी तक पहुँचाना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।

पर्यावरण संरक्षण का दिया संदेश

मुख्यमंत्री ने भौतिकवादी युग में प्रकृति की रक्षा को अनिवार्य बताया। उन्होंने कहा कि आज जब दुनिया पर्यावरण संकट से जूझ रही है, तब आदिवासी समाज की प्रकृति-पूजा की यह व्यवस्था पूरी दुनिया को रास्ता दिखाती है। "प्रकृति सुरक्षित रहेगी, तभी हमारा अस्तित्व बचेगा," मुख्यमंत्री के इस संदेश ने वहां मौजूद युवाओं को प्रेरित किया।

शुभकामनाओं का दौर

कार्यक्रम के दौरान कृषि मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की और विधायक कल्पना सोरेन ने भी समस्त झारखंड वासियों को सरहुल की बधाई दी। उन्होंने कहा कि सरहुल केवल एक पर्व नहीं, बल्कि झारखंड की पहचान और गौरव का प्रतीक है।

आदिवासी कॉलेज छात्रावास का ऐतिहासिक महत्व

मुख्यमंत्री ने अपनी पुरानी यादों को ताजा करते हुए कहा कि वे हर वर्ष इस प्रांगण में आते रहे हैं और भविष्य में भी यहाँ के छात्र-छात्राओं से मिलने आते रहेंगे। करमटोली का यह छात्रावास परिसर वर्षों से सरहुल महोत्सव का मुख्य केंद्र रहा है, जहाँ राज्य के कोने-कोने से आए आदिवासी छात्र अपनी संस्कृति को जीवंत रखते हैं।