उप्र में 2017 से पहले था रूल ऑफ माफिया, हमने लागू किया ‘रूल ऑफ लॉ : मुख्यमंत्री योगी
लखनऊ। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राजधानी लखनऊ में डाॅ राम मनोहर लोहिया विधि विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह में हिस्सा लिया। उन्होंने कहा कि 2017 से पहले प्रदेश में रुल ऑफ माफिया था, लेकिन हमने कानून की किताब से उसे निकालकर ‘रूल ऑफ लॉ’ को ईमानदारी से लागू किया। । आज पूरे प्रदेश में कानून व्यवस्था को कोई चुनौती नहीं दे सकता है। समारोह में उच्चतम न्यायालय के न्यायमूर्ति विक्रम नाथ ने भी अपने विचार व्यक्त किये। इस अवसर पर मेधावी छात्रों को सम्मानित करने के साथ ही 260 विद्यार्थियों को डिग्रियां प्रदान की गईं।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को आयोेजित डॉ. राम मनोहर लोहिया राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय के पांचवें दीक्षांत समारोह में पिछली सरकारों के माफिया राज का जिक्र करते हुए कहा कि प्रदेश में एक समय ऐसा था, जब वहां एक माफिया पर कोई कानून लागू नहीं होता था। हालात ऐसे थे कि मुख्यमंत्री, राज्यपाल और न्यायाधीश तक उसके लिए कोई मायने नहीं रखते थे।



मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि जब माफिया का काफिला निकलता था तो पहले उसी को रास्ता दिया जाता था। वह जिस जमीन पर पैर रख देता था, वह उसकी हो जाती थी। हमने प्रदेश में कानून का राज कायम किया। उन्होंने कहा कि कोई व्यक्ति या पद संविधान से ऊपर नहीं हो सकता। साथ ही विद्यार्थियों को अन्याय के खिलाफ खड़े होने, जड़ों से जुड़े रहने और निरंतर अध्ययन करते रहने की सीख दी और कहा कि गांवों में जमीन और पारिवारिक विवादों के समाधान में योगदान दें। गलत काम का दबाव आए तो सिद्धांतों से समझौता न करें। विद्यार्थियों से कहा कि राम जैसा कर्म, मर्यादा और वचन हो, कृष्ण जैसा हृदय होना चाहिए, शिव जैसा मस्तिष्क होना चाहिए, सत्य बोलना धर्म का आचरण करना चाहिए।

पहले यूपी को लेकर थी नकारात्मक धारणा

मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2017 से पहले प्रदेश को लेकर यह धारणा थी कि यहां निवेश सुरक्षित नहीं है, कनेक्टिविटी कमजोर है और विकास की संभावनाएं सीमित हैं। सबको यही लगता था कि उत्तर प्रदेश नहीं सुधर सकता। इस सोच को बदलने के लिए इच्छाशक्ति और परिणाम देने वाली कार्ययोजना जरूरी थी। प्रदेश में कानून का राज स्थापित करना इसी परिवर्तन का महत्वपूर्ण हिस्सा है। हमने प्रदेश को माफियाराज से मुक्त कर कानून का शासन स्थापित किया। पहले हाल यह था कि प्रयागराज के एक माफिया के सामने प्रशासनिक और संवैधानिक पदों से जुड़े लोगों के काफिले तक रुक जाते थे। लेकिन, अब कानून के राज में प्रदेश विकास के नए आयाम स्थापित कर रहा है।

‘विकसित भारत’ 2047 की पैरवी करेंगे विधि विद्यार्थी

मुख्यमंत्री ने इस दीक्षांत समारोह को एक काल्पनिक मुकदमे के रूप में प्रस्तुत करते हुए कहा कि यदि ‘विकसित भारत 2047’ एक केस है, तो 140 करोड़ भारतीय उसके याची हैं और युवा विधिवेत्ता उनके अधिवक्ता हैं। इस मुकदमे में तथ्य, साक्ष्य, तर्क और ईमानदार पैरवी की आवश्यकता होगी। इसका प्रतिवादी कोई व्यक्ति या राजनीतिक दल नहीं, बल्कि वह यथास्थितिवादी सोच है, जो यह मानने को तैयार नहीं होती कि परिवर्तन संभव है।

मई 2014 के बाद देश में सुधारों को गति

मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि देश की स्वतंत्रता, संविधान का लागू होना, आपातकाल, न्यायपालिका के ऐतिहासिक निर्णयों और देश में हुए सुधारों को हमारी यात्रा की महत्वपूर्ण तिथियों के रूप में देखा जा सकता है। 15 अगस्त 1947 को देश स्वतंत्र हुआ और 26 जनवरी 1950 को संविधान लागू हुआ। 25 जून 1975 को आपातकाल लागू होने की घटना ने ‘रूल ऑफ लॉ’ और ‘रूलर के लॉ’ के बीच का अंतर स्पष्ट किया। मई 2014 के बाद देश में सुधारों की प्रक्रिया को गति मिली। अप्रासंगिक हो चुके 1,500 से अधिक कानून समाप्त किए गए। जन विश्वास अधिनियम के माध्यम से 42 कानूनों के 183 प्रावधानों में छोटी-छोटी चूकों को अपराध की श्रेणी से बाहर किया गया। दिवाला एवं शोधन अक्षमता संहिता, जीएसटी, अनुच्छेद 370 से संबंधित बदलाव और नारी शक्ति वंदन अधिनियम का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि सुधार का अर्थ केवल नए कानून बनाना नहीं, बल्कि उन पुराने कानूनों को हटाना भी है जिनकी प्रासंगिकता समाप्त हो चुकी है।

2029-30 तक वन ट्रिलियन डॉलर अर्थव्यवस्था का लक्ष्य

मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्ष 2013 में भारत को दुनिया की पांच नाजुक अर्थव्यवस्थाओं में गिना जाता था, जबकि आज वह दुनिया की शीर्ष पांच अर्थव्यवस्थाओं में शामिल है। इस बदलाव ने भारत के प्रति वैश्विक विश्वास को मजबूत किया है। इसी तरह यूपी को अब वन ट्रिलियन डॉलर की अर्थव्यवस्था बनाने का लक्ष्य रखा गया है। इसके लिए विजन डॉक्यूमेंट जारी किया गया है और कार्ययोजना लागू की गई है। उन्होंने विश्वास जताया कि वर्ष 2029-30 तक यह लक्ष्य प्राप्त कर लिया जाएगा। उन्हाेंने कहा कि प्रदेश की आर्थिक प्रगति और विकास के लक्ष्यों को हासिल करने के लिए कानून के शासन, निष्पक्षता और आमजन के विश्वास को मजबूत बनाए रखना जरूरी है। पीड़ित को सम्मान देना और न्याय को सुलभ बनाना इस विश्वास के प्रमुख आधार हैं।

एआई सहायक बने, अंतिम निर्णय मनुष्य के विवेक से हो

तकनीक और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) की भूमिका पर मुख्यमंत्री ने कहा कि तकनीक ने अपराध और साक्ष्य, दोनों का स्वरूप बदल दिया है। एआई ने शोध, आंकड़ों के विश्लेषण और संभावित परिणामों के आकलन को आसान बनाया है, लेकिन इसके साथ नई चुनौतियां भी सामने आई हैं। डीपफेक के माध्यम से किसी व्यक्ति का चेहरा और आवाज इस तरह प्रस्तुत की जा सकती है कि देखने-सुनने वाला उसे वास्तविक मान ले। ऐसे में डिजिटल साक्ष्य की प्रामाणिकता की वैज्ञानिक जांच करना आवश्यक होगा। जब किसी दूसरे देश में बैठा अपराधी किसी व्यक्ति की जीवनभर की कमाई एक झटके में उड़ा लेता है, तो उसकी पहचान और उस तक पहुंचना चुनौतीपूर्ण हो जाता है। इन परिस्थितियों में युवा विधिवेत्ताओं को तकनीक और कानून, दोनों की समझ विकसित करनी होगी।

सभी 75 जनपदों में साइबर थाने स्थापित

मुख्यमंत्री ने बताया कि उत्तर प्रदेश के सभी 75 जनपदों में साइबर थाने स्थापित किए गए हैं। प्रदेश के 1,583 थानों में साइबर हेल्प डेस्क की व्यवस्था की गई है। राज्य में फॉरेंसिक संस्थान भी स्थापित किया गया है। एआई प्रज्ञा कार्यक्रम के माध्यम से 10 लाख युवाओं को एआई, डेटा एनालिटिक्स और साइबर सिक्योरिटी का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। नए आपराधिक कानूनों में इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य को मान्यता दी गई है। सात वर्ष या उससे अधिक सजा वाले मामलों में फॉरेंसिक जांच अनिवार्य है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि एआई न्यायाधीश या विधिवेत्ता के विवेक का विकल्प नहीं हो सकता। श्रीमद्भगवद्गीता में श्रीकृष्ण अर्जुन को ज्ञान देने के बाद निर्णय लेने का अधिकार उनके विवेक पर छोड़ते हैं। इसी भाव को आज की तकनीकी भाषा में ‘ह्यूमन इन द लूप’ कहा जा सकता है। मशीन सुझाव दे सकती है, लेकिन अंतिम निर्णय मनुष्य को ही लेना होगा। एआई को सहायक बनाइए, सारथी नहीं। सारथी आपका विवेक और धर्म होना चाहिए। मशीन ड्राफ्ट तैयार कर सकती है, लेकिन उसमें लापरवाही की कीमत कोई निर्दोष व्यक्ति अपनी स्वतंत्रता से चुका सकता है। इसलिए मशीन कोड लिख सकती है, लेकिन कोड ऑफ कंडक्ट का पालन विधिवेत्ता को ही करना होगा।

अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति की खुशहाली ही विकास की कसौटी

मुख्यमंत्री ने कहा कि विकसित भारत की वास्तविक कसौटी समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति के जीवन में आने वाला बदलाव है। महात्मा गांधी ने ग्राम स्वराज और पंडित दीनदयाल उपाध्याय ने अंत्योदय के माध्यम से इसी भावना को व्यक्त किया। विकास का आकलन सबसे ऊंचे पायदान पर बैठे व्यक्ति की आर्थिक स्थिति से नहीं, बल्कि सबसे नीचे खड़े व्यक्ति की स्थिति से किया जाना चाहिए। गोस्वामी तुलसीदास की चौपाई “जासु राज प्रिय प्रजा दुखारी, सो नृप अवसि नरक अधिकारी” स्पष्ट करती है कि शासन और व्यवस्था की सार्थकता जनकल्याण में निहित है।

युवा विधि स्नातकों से सीएम के चार आग्रह

मुख्यमंत्री ने युवा विधि स्नातकों के सामने चार प्रमुख आग्रह रखे। पहला, वे अन्याय के सामने मूक दर्शक न बनें, बल्कि न्याय की स्थापना में सक्रिय भूमिका निभाएं। दूसरा, अपनी जड़ों और गांवों से जुड़े रहें तथा ग्रामीण क्षेत्रों में जमीन और परिवार से संबंधित छोटे विवादों के समाधान में योगदान दें। तीसरा, नैतिक चरित्र और पेशेवर साख को सुरक्षित रखें तथा किसी भी अनुचित समझौते या शॉर्टकट से बचें। चौथा, नए कानूनों, न्यायिक निर्णयों और संशोधनों के प्रति स्वयं को लगातार अपडेट रखें और स्वाध्याय की आदत विकसित करें। सत्य बोलना, धर्म का आचरण करना और स्वाध्याय में आलस्य न करना किसी भी अधिवक्ता के लिए सबसे महत्वपूर्ण जीवन-मूल्य हैं।

140 करोड़ भारतीयों के विश्वास की जिम्मेदारी

मुख्यमंत्री ने उपाधि प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों और उनके अभिभावकों को बधाई देते हुए कहा कि दीक्षांत समारोह अभिभावकों के वर्षों के त्याग, प्रार्थनाओं और परिश्रम के साकार होने का अवसर है। विद्यार्थियों की डिग्री के पीछे उनके अभिभावकों की अनगिनत जागी हुई रातें और कठिन परिस्थितियों में किया गया संघर्ष है। युवा स्नातक अपनी डिग्री को केवल शैक्षणिक योग्यता का प्रमाणपत्र न मानें, बल्कि 140 करोड़ भारतीयों के विश्वास के प्रतीक के रूप में देखें। जब भी कोई मुकदमा कठिन लगे या किसी निर्णय का दायित्व भारी महसूस हो, तब भारत के संविधान को अपना मार्गदर्शक बनाएं। फैसला इतिहास सुनाएगा, लेकिन बहस आपको करनी है।

समारोह में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के साथ उच्चतम न्यायालय के न्यायाधीश जस्टिस विक्रम नाथ, इलाहाबाद उच्च न्यायालय के मुख्य न्यायाधीश जस्टिस अरुण भंसाली और उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय कुलपति प्राेफेसर अमर पाल सिंह भी मौजूद रहे।

मेधावी पदक से सम्मानित

समाराेह में बीए एलएलबी (ऑनर्स) में तेजस्विनी कौशल स्वर्ण, ईशा अग्रवाल रजत और निशा वर्मा कांस्य पदक प्राप्त किया। वहीं, एलएलएम में रूपल जायसवाल को स्वर्ण, चित्रा सिंह को रजत और सौम्या गिरी को कांस्य पदक प्रदान किया गया। बौद्धिक संपदा अधिकार में स्नातकोत्तर डिप्लोमा पाठ्यक्रम में भी स्वर्ण और कांस्य पदक छात्राओं के नाम रहें। विश्वविद्यालय स्थित आंबेडकर ऑडिटोरि यम में आयोजित समारोह में 260 विद्यार्थियों और शोधार्थियों को विभिन्न पाठ्यक्रमों की उपाधियां प्रदान की गई। इस वर्ष पदक हासिल करने में छात्राओं ने बाजी मारी है, कुल 20 पदकों में से 13 पर छात्राओं ने कब्जा किया है। जबकि सात पदक छात्रों के हिस्से में आए। बीए एलएलबी (ऑनर्स) में तेजस्विनी कौशल स्वर्ण, ईशा अग्रवाल रजत और निशा वर्मा कांस्य पदक प्रदान किया गया जबकि एलएलएम में रूपल जायसवाल को स्वर्ण, चित्रा सिंह को रजत और सौम्या गिरी को कांस्य पदक प्रदान किया गया। बौद्धिक संपदा अधिकार में स्नातकोत्तर डिप्लोमा पाठ्यक्रम में भी स्वर्ण और कांस्य पदक छात्राओं के नाम रहे।
बहराइच : रास्ता बंद होने से परेशान महिला पानी की टंकी पर चढ़ी, तहसील परिसर में मचा हड़कंप
बहराइच। उत्तर प्रदेश के बहराइच जिले के कैसरगंज तहसील परिसर में शनिवार दोपहर उस समय हड़कंप मच गया, जब घर का रास्ता बंद होने से परेशान एक महिला पानी की टंकी पर चढ़ गई। महिला का आरोप था कि बंजर भूमि पर कब्जे के विवाद के चलते उसके घर का रास्ता बंद किया जा रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौके पर पहुंच गए।

अधिकारियाें के करीब आधे घंटे समझाने के बाद महिला टंकी से नीचे उतरी। इस दौरान तहसील परिसर में लोगों की भीड़ जमा हो गई। कैसरगंज थाना प्रभारी राजकुमार पांडेय पुलिस बल के साथ मौके पर मौजूद रहे। उपजिलाधिकारी कैसरगंज प्रशांत कुमार नायक ने बताया कि मामले में महिला और दूसरे पक्ष, दोनों ने हाईकोर्ट में मुकदमा दायर किया है। अदालत ने 23 अक्टूबर को प्रशासन से संबंधित दस्तावेज पेश करने को कहा है। कोर्ट के निर्देश के अनुसार आगे की कार्रवाई की जाएगी।
दुर्गा पूजा पंडाल में दीपक से लगी आग,3 घायल,2 मेडिकल कॉलेज रिफर

*मूर्ति जलाने और लाठी डंडों  से पीटने का आरोप

गोंडा।जिले के उमरीबेगम गंज थाना क्षेत्र के पहलवान पुरवा गांव में दुर्गा पूजा पंडाल में दीपक से आग लग गई।आग की चपेट में आने से मां दुर्गा की प्रतिमा समेत कई छोटी प्रतिमाएं आंशिक रूप से जल गई।पंडाल में रखी ड्रेस और टेबल भी जल गई।घटना के बाद से गांव में लोगों में नाराजगी व्याप्त है।उमरीबेगम गंज थाने की पुलिस ने पीड़ितों की शिकायत पर आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच प्रारंभ कर दिया है।पीड़ित अखिलेश प्रताप सिंह ने आरोप लगाया कि वे लोग पूजा करने के लिए पंडाल में आए थे कि इसी दौरान रामदेव, सत्यदेव,रंजीत और गुल्लू ने उनके साथ मारपीट किया।आरोप है कि हमलावर लाठी डंडे लेकर आए थे और कुल्हाड़ी समेत लोहे की अन्य चीजों से हमला कर दिया।अखिलेश का कहना है कि मारपीट में उन्हें,राम सिंह और मिथलेश को चोटें आई हैं।जिसमें से राम सिंह और मिथलेश अस्पताल में भर्ती हैं।अखिलेश प्रताप सिंह ने आरोप लगाया कि लगभग चार महीने पहले भी गांव में पूजा पाठ के दौरान इन्हीं लोगों ने मारपीट किया था।उन्होंने आरोप लगाया कि दूसरे पक्ष के लोगों ने पहले मूर्तियों को आग के हवाले किया और फिर उनके परिवार के लोगों के साथ मारपीट किया।पीड़ित के अनुसार, घटना के समय वे लोग खुद को बचाने में लगे थे,इसलिए हमलोग वीडियो नहीं बना सके।हालांकि, इन आरोपों की पुष्टि पुलिस जांच के बाद ही हो सकेगी।मामले में पुलिस अधीक्षक अभिषेक झा ने बताया कि मारपीट के दौरान जलते दीपक से पंडाल में आग लगी थी।मामले में सभी पहलुओं की जांच की जा रही है।पुलिस ने पीड़ितों की शिकायत पर आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज कर लिया है।घटना में मारपीट और आग लगने की परिस्थितियों के जांच के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
सोई हुई सकारात्मक विवेक और करुणा को जगाना ही जागरण : ज्ञान प्रकाश सिंह
शाहपुर महोत्सव में रविंद्र सिंह ज्योति के गाये देवी गीतों पर झूमे दर्शक

जौनपुर। जागरण का अर्थ केवल रातभर जागना नहीं, बल्कि अपने भीतर की सोई हुई सकारात्मकता, विवेक और करुणा को जगाना है। बदलापुर तहसील अंतर्गत स्थित शाहपुर शानी गांव में आयोजित शाहपुर महोत्सव के मुख्य अतिथि के रूप में बोलते हुए  समाजसेवी तथा वरिष्ठ भाजपा नेता ज्ञान प्रकाश सिंह ने उपरोक्त बातें कही। उन्होंने कहा कि मां दुर्गा के नौ स्वरूप और उनके शस्त्र हमारे भीतर छिपे साहस, धैर्य और बुराइयों (जैसे क्रोध, लोभ, अहंकार) को समाप्त करने वाली शक्तियों के प्रतीक हैं। इस अवसर पर सहकारी समिति के पूर्व चेयरमैन कुंवर वीरेंद्र सिंह, अमरावती ग्रुप के चेयरमैन रजनीकांत मिश्र, बानर सेना के अध्यक्ष अजीत सिंह, कांग्रेस के जिलाध्यक्ष प्रमोद सिंह, वरिष्ठ पत्रकार शिवपूजन पांडे, सुभाष सिंह नेता, अरुण कुमार सिंह,पूर्व प्रधानाचार्य रामफेर यादव, प्रधान चंद्रशेखर यादव, शिक्षक नेता प्रमोद यादव, राकेश मिश्रा, युवा समाजसेवी अमित सिंह, हृदय नारायण सिंह, शिव शंकर सिंह, सुभाष सिंह, सोनू सिंह समेत अनेक प्रतिष्ठित लोग उपस्थित रहे। लोकप्रिय गायक रविंद्र सिंह ज्योति द्वारा गए देवी गीतों पर लोग देर रात तक झूमते रहे। उनके साथ अर्चना तिवारी के गए गीतों को भी लोगों ने खूब पसंद किया। कार्यक्रम का संचालन गीतकार राना सिंह ने किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता सुप्रसिद्ध समाजसेवी सतीश तिवारी ने की। अंत में कार्यक्रम के आयोजक गौरव सिंह, श्रीमती आरती सिंह तथा एनपीएस के प्रबंधक अरुण कुमार सिंह ने समस्त लोगों के प्रति आभार व्यक्त किया।
विशेष मतदाता पंजीकरण अभियान के तहत जनपद के सभी 1805 मतदान बूथों पर आयोजित हुए विशेष कैंप, पात्र नागरिकों के भराए गए फॉर्म-6

**डीएम/जिला निर्वाचन अधिकारी ने विधानसभा तुलसीपुर में प्राथमिक विद्यालय शिवानगर, बूथ संख्या 408 एवं 409 का किया निरीक्षण, मतदाता पंजीकरण कार्यों का लिया जायजा**

**18 वर्ष की आयु पूर्ण कर रहे युवाओं एवं मतदाता सूची से छूटे पात्र नागरिकों के शत-प्रतिशत पंजीकरण पर दिया जोर**

**कोई भी पात्र मतदाता मतदाता सूची में नाम दर्ज कराने से न रहे वंचित—जिलाधिकारी**

*दिनांक , 17 अक्टूबर 2026।**

भारत निर्वाचन आयोग के दिशा-निर्देशों के क्रम में  विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों की निर्वाचक नामावलियों में सभी पात्र नागरिकों का नाम सम्मिलित कराए जाने के उद्देश्य से जनपद में विशेष मतदाता पंजीकरण अभियान संचालित किया जा रहा है। अभियान के तहत जनपद के सभी 1805 मतदान बूथों पर विशेष कैंप आयोजित किए गए, जहां बूथ लेवल अधिकारियों (बीएलओ) द्वारा ऐसे पात्र नागरिक जिनका नाम मतदाता सूची में दर्ज नहीं है विशेषकर पहली बार मतदाता बनने वाले युवाओं के फॉर्म-6 भराए गए।

इसी क्रम में जिलाधिकारी/जिला निर्वाचन अधिकारी डॉ. विपिन कुमार जैन ने विधानसभा तुलसीपुर में प्राथमिक विद्यालय शिवानगर , मतदान बूथ संख्या 408 एवं 409 का निरीक्षण कर पात्र नागरिक जिनका नाम मतदाता सूची में दर्ज नहीं है उनके फॉर्म 06 भराए जाने की प्रगति का जायजा लिया।

निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी / जिला निर्वाचन अधिकारी ने ने संबंधित बूथ लेवल अधिकारियों से प्राप्त फॉर्म-6 तथा विशेष रूप से युवा मतदाताओं के आवेदन की स्थिति के संबंध में जानकारी प्राप्त की। उन्होंने निर्देश दिए कि ऐसे सभी पात्र नागरिकों की पहचान कर उनका फॉर्म-6 भरवाया जाए, जिनका नाम अभी तक मतदाता सूची में दर्ज नहीं है।

*18 वर्ष की आयु पूर्ण कर रहे युवाओं के पंजीकरण पर विशेष जोर*

जिलाधिकारी/जिला निर्वाचन अधिकारी ने बीएलओ को निर्देशित किया कि 18 वर्ष की आयु पूर्ण करने वाले युवाओं का विशेष रूप से मतदाता पंजीकरण सुनिश्चित कराया जाए। इसके लिए संबंधित क्षेत्र में ऐसे पात्र युवाओं की पहचान कर उन्हें फॉर्म-6 भरने के लिए प्रेरित किया जाए तथा आवेदन प्रक्रिया में आवश्यक सहयोग प्रदान किया जाए।

उन्होंने कहा कि पहली बार मतदाता बनने वाले युवाओं की लोकतांत्रिक प्रक्रिया में सहभागिता अत्यंत महत्वपूर्ण है। सभी पात्र युवा एवं महिला मतदाताओं का नाम निर्वाचक नामावली में सम्मिलित कराने के लिए विशेष प्रयास किए जाएं।

जिलाधिकारी ने बीएलओ को निर्देश दिए कि वे मतदाता सूची की नवीनतम प्रतियों के आधार पर पात्र नागरिकों का नाम जांचें तथा जिनका नाम सूची में दर्ज नहीं है, उनसे निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार फॉर्म-6 भरवाएं।

*सभी 1805 मतदान बूथों पर आयोजित हुए विशेष कैंप*

विशेष अभियान के अंतर्गत जनपद के सभी 1805 मतदान बूथों पर संबंधित बीएलओ द्वारा उपस्थित रहकर मतदाता पंजीकरण का कार्य किया गया। अभियान के प्रभावी संचालन के लिए 1805 बीएलओ, 24 सहायक निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी (एईआरओ) एवं 04 निर्वाचक रजिस्ट्रीकरण अधिकारी (ईआरओ) द्वारा समन्वय के साथ कार्य किया जा रहा है।



*24 अक्टूबर को भी आयोजित होगा विशेष मतदाता पंजीकरण अभियान*

जिलाधिकारी/जिला निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि दिनांक 17 अक्टूबर के अतिरिक्त **24 अक्टूबर 2026 को भी जनपद के सभी 1805 मतदान बूथों पर विशेष मतदाता पंजीकरण अभियान आयोजित किया जाएगा।** इस दौरान संबंधित बीएलओ प्रातः 10 बजे से अपराह्न 04 बजे तक मतदाता सूची की नवीनतम प्रतियों एवं फॉर्म-6 के साथ उपस्थित रहेंगे।

उन्होंने जनपदवासियों से अपील की कि जिन पात्र नागरिकों का नाम अभी तक मतदाता सूची में दर्ज नहीं है, वे अपने संबंधित मतदान बूथ पर पहुंचकर फॉर्म-6 भरें।
दुर्गा पूजा पंडाल के पास महिलाओं और लड़कियों में मारपीट, एक दूसरे को सड़क पर पटककर की मारपीट
*गाली गलौज के बाद खींचे बाल

गोंडा।जिले के नवाबगंज थाना क्षेत्र अंतर्गत तुरकौली गांव से शनिवार सुबह मारपीट का एक वीडियो वायरल होकर पूर्वाह्न 11 बजे सामने आया है जो बीती रात लगभग 11बजे के आसपास का बताया जा रहा है।जहां तुरकौली गांव में बने दुर्गा पूजा पंडाल के बगल दो गुटों की महिलाएं और लड़कियां आपस में गाली गलौज करते हुए एक दूसरे के साथ अभद्र भाषा का प्रयोग कर मारपीट करती हुई नजर आ रही हैं।वायरल वीडियो में साफ साफ देख सकते हैं कि पहले दोनों गुटों की महिलाओं और लड़कियों के बीच गाली गलौज हो रहा है,उसके बाद इन दोनों गुटों की महिलाएं और लड़कियां एक दूसरे के बाल को खींच करके जम कर मारपीट कर रही हैं।मारपीट का वीडियो शनिवार सुबह 11 बजे सामने आया है,जिसके बाद अब नवाबगंज थाने की पुलिस ने पूरे मामले को लेकर वायरल वीडियो का संज्ञान लेते हुए जांच शुरू कर दिया है।बताया जा रहा है कि तुरकौली गांव में मां दुर्गा की प्रतिमा स्थापित है,उसी दुर्गा पूजा कार्यक्रम में शामिल होकर के दो लड़कियां अपने अपने घरों को जा रही थीं।जहाँ दोनों से पहले रास्ते में आपसी कहासुनी हुई,उसके बाद जब दोनों पंडाल के ठीक बगल अपने घर पहुंचने वाली थी कि इसी दौरान दोनों के बीच में पुनः गाली गलौज हुआ।लड़कियों के विवाद के दौरान ही दोनों लड़कियों की घर की महिलाएं भी आ गई और फिर महिलाओं महिलाओं में गाली गलौज होने के साथ साथ मारपीट शुरू हो गया।जिसका वीडियो स्थानीय लोगों ने बनाकर के सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया है।मामले में नवाबगंज थानाध्यक्ष मृत्युंजय कुमार ने बताया कि वायरल वीडियो की जांच कराई जा रही है।जांच में जो भी निकलकर आएगा,उसके आधार पर कठोर कार्रवाई की जाएगी।जांच में निकल कर आया है कि इन लोगों का पहले आपस में गाली गलौज हुआ और फिर इन लोगों ने आपस में ही मारपीट किया है।वायरल वीडियो का भी नवाबगंज थाने की पुलिस द्वारा गंभीरता पूर्वक संज्ञान में लिया गया है।
कन्नौज जिले के वरिष्ठ पत्रकार पंकज कुमार श्रीवास्तव को मण्डल अध्यक्ष एवं मण्डल प्रभारी  किया गया नियुक्त*
विवेक कुमार

अखिल भारतीय कायस्थ महासभा 7235  उत्तर प्रदेश के प्रदेश अध्यक्ष दिनेश चन्द श्रीवास्तव दीनू  भैया ने राष्ट्रीय अध्यक्ष महेश कुमार श्रीवास्तव  एवं राष्ट्रीय महासचिव  राजेश श्रीवास्तव बच्चा भैया एडवोकेट से विचार बिमर्श करके संगठन विस्तार  के  अन्तर्गत पंकज कुमार श्रीवास्तव वरिष्ठ पत्रकार को मण्डल अध्यक्ष एवं मण्डल प्रभारी कानपुर मनोनीत किया है
       
पंकज कुमार श्रीवास्तव वरिष्ठ पत्रकार को मण्डल अध्यक्ष एवं मण्डल प्रभारी कानपुर मनोनीत होने पर राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्षगण डा रमाशंकर श्रीवास्तव, डा विवेक श्रीवास्तव सत्य प्रकाश श्रीवास्तव वरिष्ठ एडवोकेट हाईकोर्ट मुम्बई, दिनेश चंद्र खरे, अरूण कुमार श्रीवास्तव चुन्नू भैया , राष्ट्रीय उपाध्यक्ष गण, प्रदीप कुमार श्रीवास्तव आईपीएस, सुरेन्द्र कुमार श्रीवास्तव, साधना श्रीवास्तव कायस्थ शेरनी, चन्द मोहन श्रीवास्तव, गिरिजेश श्रीवास्तव, सन्तोष कुमार श्रीवास्तव सोनू भैया विश्व प्रकाश श्रीवास्तव दीपक पत्रकार राष्ट्रीय प्रवक्ता,अजय कुमार अज्जू भैया राष्ट्रीय सचिव, उमेश श्रीवास्तव फूफा,डा पंकज श्रीवास्तव राष्ट्रीय मिडिया प्रभारी, सुवीर सेन राष्ट्रीय उपाध्यक्ष एवं आई टी सेल प्रमुख,  अध्यक्ष,दिनेश चन्द्र सक्सेना राष्ट्रीय उपाध्यक्ष एवं मिडिया प्रभारी राजस्थान, उपेन्द्र कुमार श्रीवास्तव राष्ट्रीय सचिव जय प्रकाश श्रीवास्तव वरिष्ठ पत्रकार राष्ट्रीय सचिव संगठन ,  प्रदेश महासचिव विजय क्रांति श्रीवास्तव, युवा राष्ट्रीय उपाध्यक्ष शशांक श्रीवास्तव शीशू भैया   सन्तोष कुमार श्रीवास्तव प्रदेश उपाध्यक्ष एवं प्रभारी लखनऊ,प्रदेश उपाध्यक्ष दयाल सरन श्रीवास्तव, प्रदेश उपाध्यक्ष डॉ उमाकांत श्रीवास्तव प्रिंसिपल, प्रदेश उपाध्यक्ष गिरीश श्रीवास्तव एडवोकेट कवि, प्रदेश संगठन सचिव अनुपम श्रीवास्तव, प्रदेश उपाध्यक्ष प्रतीक श्रीवास्तव, प्रदेश उपाध्यक्ष अतुल श्रीवास्तव दीपू, प्रदेश उपाध्यक्ष सुरेश श्रीवास्तव, प्रदेश उपाध्यक्ष स्वामी अनिल श्रीवास्तव हर्ष स्वामी, प्रदेश उपाध्यक्ष सुरेश श्रीवास्तव प्रदेश उपाध्यक्ष अभिषेक श्रीवास्तव, प्रदेश उपाध्यक्ष प्रवीण श्रीवास्तव प्रदेश मीडिया प्रभारी सूर्यांश श्रीवास्तव , आशीष श्रीवास्तव प्रदेश सचिव,आनन्द श्रीवास्तव मण्डल अध्यक्ष लखनऊ, मनोज कुमार श्रीवास्तव मण्डल अध्यक्ष एवं मण्डल प्रभारी देवी पाटन गोण्डा, रमेश चंद्र वर्मा मण्डल अध्यक्ष वाराणसी,जिला अध्यक्ष जौनपुर मनोज श्रीवास्तव, जिला अध्यक्ष प्रयागराज पंकज वर्मा, जिला अध्यक्ष गोण्डा सत्येन्द्र प्रकाश श्रीवास्तव, जिला अध्यक्ष प्रतापगढ़ राजकुमार श्रीवास्तव जिलाध्यक्ष लखनऊ पुनीत श्रीवास्तव, जिला अध्यक्ष गोरखपुर अभिषेक श्रीवास्तव, जिला अध्यक्ष आजमगढ़ संतोष श्रीवास्तव, जिला अध्यक्ष वाराणसी रोशन श्रीवास्तव, जिला अध्यक्ष चौदल्ली मनोज श्रीवास्तव, जिलाध्यक्ष गाजीपुर श्रीकांत श्रीवास्तव, जिला अध्यक्ष आगरा डॉ विशाल सक्सेना, जिला अध्यक्ष हरदोई आदित्य श्रीवास्तव, जिला अध्यक्ष बलिया संजय मेहता, जिला अध्यक्ष फतेहपुर डॉ भरत श्रीवास्तव,  कमलेश कुमार श्रीवास्तव जिला अध्यक्ष सन्त रविदास नगर भदोही,प्रिन्स श्रीवास्तव जिला अध्यक्ष सुल्तानपुर , जिला अध्यक्ष लखीमपुर-खीरी, राजेश श्रीवास्तव जिला अध्यक्ष मिर्जापुर, नरेश बहादुर श्रीवास्तव एडवोकेट,जिला अध्यक्ष शाहजहांपुर, संजय सक्सेना,जिला अध्यक्ष सिद्धार्थ नगर दिलीप कुमार श्रीवास्तव,जिला अध्यक्ष सोनभद्र , अभय कुमार श्रीवास्तव,जिला अध्यक्ष बस्ती  डा उमेश चन्द्र श्रीवास्तव,रघुपति सहाय जिला अध्यक्ष अम्बेडकरनगर, राघवेन्द्र श्रीवास्तव जिला अध्यक्ष अमेठी, संजय कुमार श्रीवास्तव जिला अध्यक्ष बहराइच, रामू श्रीवास्तव जिला अध्यक्ष श्रावस्ती सचिन श्रीवास्तव जिला अध्यक्ष मऊ , अरविंद श्रीवास्तव जिला अध्यक्ष रायबरेली, पियुष सक्सेना एडवोकेट जिला अध्यक्ष मथुरा पंकज श्रीवास्तव जिला अध्यक्ष सन्त कबीर नगर  प्रभात कुमार सक्सेना जिलाध्यक्ष फर्रूखाबाद प्रेम बिहारी सक्सेना जिला अध्यक्ष मैनपुरी,अभिषेक श्रीवास्तव युवा प्रदेश अध्यक्ष उत्तर प्रदेश, राहुल श्रीवास्तव लाला भैया युवा प्रदेश उपाध्यक्ष उत्तर प्रदेश उत्कर्ष श्रीवास्तव प्रदेश सचिव युवा प्रकोष्ठ  सहित सभी  पदाधिकारी ने बधाई दी है
उक्त आशय  की जानकारी   जिला उपाध्यक्ष अम्बेडकरनगर आदर्श श्रीवास्तव  एवं  आलोक कुमार श्रीवास्तव जिला सचिव बस्ती ने दिया है
मिशन शक्ति अभियान के तहत तहसील ज्ञानपुर में 11 बालिकाओं का किया गया कन्या पूजन

*डीएम शैलेष कुमार ने बालिकाओं को तिलक लगाकर चुनरी, फल, मिठाई, शैक्षिक सामग्री एवं उपहार किए भेंट*



रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। महिलाओं एवं बालिकाओं की सुरक्षा, सम्मान एवं स्वावलम्बन के उद्देश्य से शारदीय नवरात्र के अवसर पर संचालित मिशन शक्ति अभियान के अंतर्गत तहसील परिसर ज्ञानपुर में कन्या पूजन कार्यक्रम आयोजित किया गया। जिलाधिकारी शैलेष कुमार की अध्यक्षता में आयोजित कार्यक्रम में बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ एवं मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना के तहत 11 बालिकाओं का विधिवत कन्या पूजन किया गया।

जिलाधिकारी शैलेष कुमार ने बालिकाओं को तिलक लगाकर एवं पूजन करते हुए उन्हें टोपी, चुनरी, फल, मिठाई, पेन, भोजन प्रसाद एवं उपहार भेंट किए। उन्होंने बालिकाओं के उज्ज्वल भविष्य की कामना करते हुए कहा कि बेटियां हमारे समाज की शक्ति और देश के उज्ज्वल भविष्य की आधारशिला हैं। बालिकाओं की शिक्षा, सुरक्षा, सम्मान एवं स्वावलम्बन सुनिश्चित करना हम सभी की सामूहिक जिम्मेदारी है।

इस अवसर पर जिलाधिकारी ने कहा कि महिलाएं हमारे समाज की रीढ़ हैं और राष्ट्र एवं समाज के विकास में उनका योगदान अतुलनीय है। महिलाओं को समाज में समान अधिकार एवं अवसर उपलब्ध कराने के लिए सभी को मिलकर कार्य करना होगा। उन्होंने कहा कि महिला अधिकारों की रक्षा और बेटियों को सुरक्षित एवं सम्मानजनक वातावरण उपलब्ध कराकर ही सशक्त एवं समृद्ध समाज का निर्माण किया जा सकता है।

*महिला एवं बालिकाओं के हित में संचालित योजनाओं की दी गई जानकारी*

जिला प्रोबेशन अधिकारी द्वारा केंद्र एवं प्रदेश सरकार द्वारा महिलाओं एवं बालिकाओं के सम्मान, सुरक्षा एवं स्वावलम्बन के लिए संचालित विभिन्न योजनाओं की जानकारी दी गई। उन्होंने कहा कि आज देश की बेटियां शिक्षा, खेल, विज्ञान, प्रशासन सहित विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन कर देश एवं प्रदेश का नाम रोशन कर रही हैं। उन्होंने समाज में बेटी और बहू के बीच किसी भी प्रकार के भेदभाव को समाप्त करने का आह्वान किया।

कार्यक्रम में मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना, मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना (कोविड एवं सामान्य), पति की मृत्यु उपरांत निराश्रित महिला पेंशन, स्पॉन्सरशिप योजना, वन स्टॉप सेंटर, चाइल्ड हेल्पलाइन-1098 एवं टोल फ्री महिला हेल्पलाइन-181 सहित महिला एवं बालिका कल्याण से संबंधित योजनाओं की जानकारी दी गई।

*कन्या सुमंगला योजना से 20,307 लाभार्थी लाभान्वित*

मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना के अंतर्गत बालिकाओं को छह श्रेणियों में आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है। बालिका के जन्म पर प्रथम श्रेणी में 5,000 रुपये, एक वर्ष तक पूर्ण टीकाकरण के उपरांत द्वितीय श्रेणी में 2,000 रुपये, कक्षा एक में प्रवेश पर तृतीय श्रेणी में 3,000 रुपये, कक्षा छह में प्रवेश पर चतुर्थ श्रेणी में 3,000 रुपये, कक्षा नौ में प्रवेश पर पंचम श्रेणी में 5,000 रुपये तथा कक्षा 12 उत्तीर्ण करने के बाद स्नातक अथवा दो वर्षीय या अधिक अवधि के डिप्लोमा पाठ्यक्रम में प्रवेश पर षष्ठम श्रेणी में 7,000 रुपये की सहायता प्रदान की जाती है। जनपद में अब तक 20,307 लाभार्थियों को मुख्यमंत्री कन्या सुमंगला योजना से लाभान्वित किया जा चुका है।

कार्यक्रम में मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना (कोविड-19), मुख्यमंत्री बाल सेवा योजना (सामान्य) एवं स्पॉन्सरशिप योजना के पात्र लाभार्थियों को मिलने वाली सहायता एवं पात्रता की भी विस्तार से जानकारी दी गई। संबंधित अधिकारियों ने बताया कि इन योजनाओं का उद्देश्य जरूरतमंद बच्चों को आर्थिक एवं सामाजिक संरक्षण प्रदान करते हुए उन्हें सुरक्षित पारिवारिक वातावरण में शिक्षा एवं विकास के अवसर उपलब्ध कराना है।

जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि महिला एवं बालिका कल्याण से जुड़ी योजनाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार करते हुए पात्र लाभार्थियों को योजनाओं का समय से लाभ दिलाया जाए। उन्होंने कहा कि शासन की कल्याणकारी योजनाओं का लाभ अंतिम पायदान पर खड़े पात्र व्यक्ति तक पहुंचाना प्रशासन की प्राथमिकता है।

कार्यक्रम में उपजिलाधिकारी ज्ञानपुर, जिला कार्यक्रम अधिकारी, जिला प्रोबेशन अधिकारी, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी, राजकुमार गुप्ता, संरक्षण अधिकारी मीना, विधि सह परिवीक्षा अधिकारी किरन यादव, महिला कल्याण अधिकारी ममता सिंह, रिचा चौबे, रेशमा भारती, प्रियंका गुप्ता, आनन्द कुमार मौर्या सहित आंगनबाड़ी कार्यकत्रियां एवं बड़ी संख्या में छात्राएं उपस्थित रहीं।
मऊ सदर तहसील परिसर में नवनिर्मित पुस्तकालय कक्ष का लोकार्पण

मऊ। घोसी लोकसभा के सांसद राजीव राय ने सांसद निधि से मऊ सदर तहसील परिसर में नवनिर्मित पुस्तकालय कक्ष का लोकार्पण किए |

उन्होंने कहा कि इस पुस्तकालय कक्ष के निर्माण से अधिवक्ताओं, वादकारियों और स्थानीय युवाओं को विशेष लाभ मिलेगा। यहां उन्हें अध्ययन करने के साथ-साथ कानूनी संदर्भों एवं आवश्यक जानकारियों को प्राप्त करने में सुविधा होगी।

अध्ययन और कानूनी जानकारी के लिए मिलेगी बेहतर सुविधा

पुस्तकालय कक्ष के शुरू होने से तहसील परिसर में आने वाले लोगों को अध्ययन के लिए बेहतर सुविधा उपलब्ध होगी।

यह पहल अधिवक्ताओं, युवाओं और आम नागरिकों के लिए उपयोगी साबित हो सकती है।
सुप्रीम कोर्ट से राहत मिलने पर ठाकुर रामनाथ सिंह का अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा ने किया सम्मान

आशीष कुमार

मुजफ्फरनगर। आज सुप्रीम कोर्ट से राहत मिलने के बाद जिला सहकारी बैंक के चेयरमैन ठाकुर रामनाथ सिंह के कार्यालय पर अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा, मुजफ्फरनगर के प्रतिनिधिमंडल ने पहुंचकर उनका पटका पहनाकर, पुष्पगुच्छ एवं भगवान श्रीराम की तस्वीर भेंट कर सम्मानित किया तथा उन्हें शुभकामनाएं दीं।

इस अवसर पर अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा के जिलाध्यक्ष विजय प्रताप सिंह ने कहा कि ठाकुर रामनाथ सिंह के विरुद्ध कुछ लोगों द्वारा कथित रूप से साजिश कर उनके पद की गरिमा को प्रभावित करने का प्रयास किया गया था। इस प्रकरण में पहले हाईकोर्ट के आदेश के बाद उनके पद पर रोक लगी थी, लेकिन सुप्रीम कोर्ट से राहत मिलने के बाद उन्हें बड़ी कानूनी राहत प्राप्त हुई और उनके पद की गरिमा पुनः स्थापित हुई।

उन्होंने कहा कि सत्य परेशान हो सकता है, लेकिन पराजित नहीं। सुप्रीम कोर्ट के आदेश से न्याय व्यवस्था में विश्वास और मजबूत हुआ है। ठाकुर रामनाथ सिंह का पुनः अपने कार्यालय पहुंचना उनके समर्थकों एवं शुभचिंतकों के लिए हर्ष का विषय है। अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा उनके सम्मान और प्रतिष्ठा के साथ खड़ी है।

प्रतिनिधिमंडल ने ठाकुर रामनाथ सिंह को शुभकामनाएं देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य, सफल कार्यकाल एवं जनसेवा के लिए मंगलकामना की।

इस अवसर पर अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा के जिलाध्यक्ष विजय प्रताप सिंह, जिला महामंत्री संजीव राणा, जिला उपाध्यक्ष हरिंदर राणा, प्रमोद पुंडीर, आशीष राणा प्रधान, विजय आर्य प्रधान, ठाकुर दीपक कुशवाहा, अरविंद कुमार, जिला महिला मोर्चा अध्यक्ष गीता ठाकुर, पिंकी चौधरी, दिलबाग सिंह पुंडीर, मुकुट राज सिंह, हिमांशु सिंगल सहित महासभा के अन्य पदाधिकारी एवं सदस्य उपस्थित रहे।