गोपीगंज पुलिस ने 10 किलो से ज्यादा गांजे के साथ तस्कर पकड़ा :स्कूटी की डिग्गी में गैस सिलेंडर में छिपाकर ले जा रहा था, कीमत 5.47 लाख


रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। भदोही पुलिस अधीक्षक अभिनव त्यागी के निर्देश पर गोपीगंज पुलिस टीम ने शुक्रवार रात चेकिंग के दौरान एक स्कूटी सवार राधेश्याम गुप्ता को गिरफ्तार किया। राधेश्याम गुप्ता (59) प्रयागराज के बबुआपुर का रहने वाला है।

तलाशी में उसकी स्कूटी की डिग्गी में रखे गैस सिलेंडर के अंदर सफेद पन्नियों में छिपाकर रखा 10.958 किलोग्राम गांजा मिला। इसकी अनुमानित कीमत 5 लाख 47 हजार 900 रुपये है। पुलिस ने स्कूटी और एक मोबाइल फोन भी बरामद किया।

पुलिस के मुताबिक, राधेश्याम सोनभद्र से सस्ते में गांजा खरीदकर ऊंचे दामों पर बेचता था। वह पुलिस से बचने के लिए गांजे को गैस सिलेंडर में छिपाकर ले जा रहा था। आरोपी के खिलाफ पहले से चार मामले दर्ज हैं।

गोपीगंज थाने में एनडीपीएस एक्ट और एमवी एक्ट के तहत मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।


प्रभारी निरीक्षक सचिदानन्द पाण्डेय, उ0नि0 राजेन्द्र प्रसाद ओझा, का0 नीरज निराला, हे0का0 निखिल कुमार व हे0का0 संदीप पटेल, थाना गोपीगंज, जनपद भदोही।
डॉ.कलाम की जयंती एवं महाप्राण निराला की पुण्यतिथि पर श्रद्धा सुमन अर्पित
लखनऊ।आईआईएम रोड स्थित अवियान होटल में पूर्व राष्ट्रपति एवं महान वैज्ञानिक भारत रत्न डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम की जयंती के अवसर पर विश्व छात्र दिवस का आयोजन आईआईएम रोड, लखनऊ स्थित एवियान होटल में किया गया। इस अवसर पर महाप्राण सूर्यकांत त्रिपाठी ‘निराला’ की साहित्यिक साधना, व्यक्तित्व एवं कृतित्व का भी स्मरण किया गया। कार्यक्रम में शिक्षा, साहित्य और सामाजिक सरोकारों से जुड़े लोगों ने सहभागिता की।
कार्यक्रम में कवि एवं अपर पुलिस उपायुक्त लखनऊ जितेन्द्र कुमार दुबे ने डॉ. कलाम के प्रेरणादायी व्यक्तित्व और राष्ट्र निर्माण में उनके योगदान को याद करते हुए कहा कि उनका जीवन विद्यार्थियों के लिए परिश्रम, समर्पण, वैज्ञानिक दृष्टिकोण और बड़े सपने देखने की प्रेरणा देता है। उनके विचारों को आत्मसात कर विद्यार्थी अपने व्यक्तित्व का विकास करने के साथ ही राष्ट्र की प्रगति में भी महत्त्वपूर्ण योगदान दे सकते हैं।
विश्व छात्र दिवस का उद्देश्य विद्यार्थियों को शिक्षा के प्रति जागरूक करना तथा उनमें अनुशासन,नवाचार,रचनात्मकता और सकारात्मक सोच विकसित करने के लिए प्रेरित करना है। डॉ. कलाम का जीवन और उनके आदर्श आज भी युवाओं को लक्ष्य के प्रति समर्पित रहने तथा देश के उज्ज्वल भविष्य के निर्माण में सहभागी बनने का संदेश देते हैं।इस अवसर पर महाप्राण सूर्यकांत त्रिपाठी ‘निराला’ के साहित्यिक योगदान का भी स्मरण किया गया। हिंदी साहित्य के छायावाद युग के प्रमुख स्तंभ निराला ने अपनी रचनाओं के माध्यम से सामाजिक विषमता, मानवीय संवेदना,स्वतंत्र चेतना और जनसामान्य के संघर्षों को स्वर प्रदान किया। उनकी रचनाओं में ओज, विद्रोह, करुणा और मानवीय मूल्यों का अद्भुत समन्वय मिलता है। उनका साहित्य आज भी समाज को संवेदनशील, जागरूक और मानवीय दृष्टिकोण अपनाने की प्रेरणा देता है। कार्यक्रम में महानगर मुंबई से कवि एवं पत्रकार विनय शर्मा दीप उपस्थित रहे जिन्होंने जनपद जौनपुर के वरिष्ठ कवि जयन्त्री प्रसाद जगमग की रचना 'महक माटी कऽ' पुस्तक कवि जितेन्द्र कुमार दुबे को भेंट स्वरूप दिया।कार्यक्रम में  आचार्य विरेन्द्र मिश्र,बीना दुबे, अंकुर, विवेक दीक्षित, महेन्द्र मिश्र, डॉ. राघवेंद्र पांडेय, अधिवक्ता आशुतोष पांडेय , पंकज शुक्ल, वंश सिंह तथा अश्वनी तिवारी सहित अन्य गणमान्य लोग उपस्थित रहे।
डीडीयू नगर के MRF प्लांट में अस्पतालों का बायोमेडिकल वेस्ट कैसे पहुंच रहा? जनस्वास्थ्य पर खतरे की आशंका, जांच की मांग

मनमोहन (  चंदौली )


चंदौली। नगर की सफाई व्यवस्था को दुरुस्त रखने और कूड़े के पृथक्करण एवं पुनर्चक्रण के लिए स्थापित मैटेरियल रिकवरी फैसिलिटी (MRF) प्लांट की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। पंडित दीनदयाल उपाध्याय नगर पालिका परिषद के लिए एकत्र किए जाने वाले कूड़े के बीच अस्पतालों से निकलने वाला बायोमेडिकल वेस्ट पहुंचने की चर्चा है। यदि यह जानकारी सही साबित होती है, तो मामला केवल कूड़ा निस्तारण की लापरवाही तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि कर्मचारियों, आसपास के लोगों और पर्यावरण की सुरक्षा से भी जुड़ जाएगा। ऐसे में इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कर सच्चाई सामने लाना जरूरी है।

पांच टन कूड़ा प्रतिदिन, फिर निस्तारण की व्यवस्था पर सवाल क्यों?

नगर पालिका क्षेत्र के 25 वार्डों में सफाई के लिए करीब 246 आउटसोर्स सफाईकर्मियों की तैनाती बताई जाती है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, नगर से प्रतिदिन लगभग पांच टन कूड़ा निकलता है। इसके निस्तारण के लिए नगर से करीब सात किलोमीटर दूर जमुनीपुर गांव के पास लगभग एक हेक्टेयर क्षेत्र में MRF प्लांट स्थापित किया गया है। यहां कूड़े को अलग-अलग श्रेणियों में छांटकर पुनर्चक्रण योग्य सामग्री को अलग करने की व्यवस्था होनी चाहिए। हालांकि, प्लांट की कार्यप्रणाली, कर्मचारियों की मौजूदगी और कूड़े के नियमित निस्तारण को लेकर स्थिति स्पष्ट नहीं होने के बीच अस्पतालों के अपशिष्ट के यहां पहुंचने की चर्चा ने चिंता बढ़ा दी है। फिलहाल बायोमेडिकल वेस्ट की मौजूदगी की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। इसलिए यह जानना जरूरी है कि प्लांट में वास्तव में किस प्रकार का कचरा पहुंच रहा है।
सामान्य कूड़े में मिला बायोमेडिकल वेस्ट तो कितना खतरनाक?

अस्पतालों से निकलने वाले अपशिष्ट में इस्तेमाल की गई सिरिंज, सुई, रक्त से दूषित पट्टियां, संक्रमित सामग्री और अन्य चिकित्सकीय कचरा शामिल हो सकता है। ऐसे कचरे का अनुचित तरीके से संग्रहण, परिवहन या निस्तारण संक्रमण, चोट और पर्यावरण प्रदूषण का जोखिम बढ़ा सकता है। यदि संक्रमित अपशिष्ट को सामान्य कूड़े में मिलाकर छांटा जाता है, तो सफाईकर्मियों के स्वास्थ्य पर भी खतरा पैदा हो सकता है।
बायोमेडिकल वेस्ट मैनेजमेंट रूल्स, 2016 में क्या है प्रावधान?

बायोमेडिकल वेस्ट मैनेजमेंट रूल्स, 2016 के तहत संबंधित अपशिष्ट का निर्धारित श्रेणियों में पृथक्करण, सुरक्षित संग्रहण, नियमों के अनुरूप परिवहन और अधिकृत व्यवस्था से उपचार एवं निस्तारण आवश्यक है। अस्पतालों और संबंधित स्वास्थ्य संस्थानों की जिम्मेदारी है कि वे जैव-चिकित्सीय अपशिष्ट का प्रबंधन निर्धारित नियमों के अनुसार करें। ऐसे कचरे को सामान्य नगरपालिका कचरे के साथ मिलाकर निस्तारित करना नियमों के उल्लंघन का मामला बन सकता है।

नगर पालिका, स्वास्थ्य विभाग और प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की जवाबदेही तय हो

जनहित में नगर पालिका प्रशासन, मुख्य चिकित्सा अधिकारी कार्यालय और उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड को मामले की जांच करनी चाहिए। प्लांट में आने वाले कचरे के स्रोत, वाहनों की आवाजाही, संग्रहण एवं परिवहन रिकॉर्ड और निस्तारण की प्रक्रिया की पड़ताल की जानी चाहिए। यदि अस्पतालों का बायोमेडिकल वेस्ट मिलने की पुष्टि होती है, तो संबंधित अस्पताल, परिवहनकर्ता और जिम्मेदार एजेंसियों की भूमिका की जांच कर नियमानुसार कार्रवाई की जानी चाहिए।

अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि नगर के सामान्य कूड़े के लिए बनाए गए MRF प्लांट में आखिर अस्पतालों का बायोमेडिकल वेस्ट कैसे पहुंच रहा है? क्या इसकी निगरानी की कोई व्यवस्था है? और यदि नियमों की अनदेखी हो रही है, तो इसकी जिम्मेदारी किसकी है? इन सवालों का जवाब जांच के बाद ही सामने आएगा। लेकिन जनस्वास्थ्य और पर्यावरण की सुरक्षा के मद्देनजर मामले को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता।
पत्रकार चंद्रेश मिश्र की पुण्यतिथि पर विमर्श गोष्ठी एवं श्रद्धांजलि समागम का आयोजन
जौनपुर । जनपद जौनपुर में ग्रामीण पत्रकारिता के सशक्त हस्ताक्षर अमर्त्य पत्रकार पं. चंद्रेश मिश्र की 5वीं पुण्यतिथि  गुरुवार को श्रद्धा एवं सम्मान के साथ कुटीर संस्थान में मनाई गई। कार्यक्रम दो सत्र में आयोजित हुआ। प्रथम सत्र में  अंतर्राष्ट्रीय कथा वाचन पं. प्रकाश चंद्र पाण्डेय विद्यार्थी ने भरत के संस्कार को रेखांकित करते हुए बताया कि कथा हम सभी को यह सिखाती है कि हम अपने बच्चों को शिक्षा, धर्म तथा संस्कारवान बनाए इस अवसर पर प्रो मनोज मिश्र जनसंचार विभागाध्यक्ष पूर्वांचल विश्वविद्यालय जौनपुर ने अपनी स्वरचित कविता को पढ़कर पंडित चंद्रेश मिश्र को श्रद्धांजलि अर्पित किया। कार्यक्रम का संचालन प्रो रमेश मणि त्रिपाठी पूर्व प्राचार्य ने किया। द्वितीय सत्र में विमर्श गोष्ठी आयोजित हुआ गोष्ठी का विषय "पत्रकारिता एवं पं. चंद्रेश मिश्र का मानक संदर्भ  सूचना क्रान्ति युग में ग्रामीण युवाओं के समक्ष संभावनाएं एवं चुनौतियां"  में कार्यक्रम के मुख अतिथि प्रो राम मोहन पाठक पूर्व कुलपति दक्षिण भारत हिंदी प्रचार सभा चेन्नई ने कहां की अमर्त्य पत्रकार पंडित चंद्रेश मिश्र ग्रामीण अंचल में पत्रकारिता जगत के पुरोधा थे। साख सरोकार के प्रतिमूर्ति रहे पंडित जी कलम के जादूगर थे, चाहे राजनीतिक आंदोलन हो या क्षेत्रीय समस्या रही हो अपनी कलम से त्वरित टिप्पणी  कर उस पर शासन द्वारा त्वरित कार्यवाही होने तक ऐसे विलक्षण प्रतिभा के धनी व्यक्ति थे। उनका समग्र जीवन पत्रकारिता जगत के लिए अनुकरणीय रहा। पंडित जी के द्वारा पत्रकारिता एवं उनके स्मृति से जुड़ी एक पुस्तक विमोचन करने की संस्तुति व्यक्त कर कार्यक्रम के आयोजक को धन्यवाद दिया। विशिष्ट अतिथि शशिधर पाठक पत्रकार ने स्वतंत्रता संग्राम सेनानी संस्थापक पंडित अभयजीत दुबे  एवं अमर्त्य पत्रकार पंडित चंद्रेश मिश्र के जीवन के बारे बताते हुए कहा कि अपनी लौकिक प्रखरता से इस भूमि को वनस्थली से तपोस्थली में बदलकर ग्रामीण अंचल में शिक्षा की ज्योति जलाई ।सभाजीत त्रिवेदी प्रखर ने पत्रकार पंडित चंद्रेश मिश्र के जीवन आदर्श की चर्चा कर अपनी कविता के माध्यम से श्रद्धांजलि व्यक्त किया। अरुण कुमार सिंह पप्पू, राजीव कुमार सिंह सेवायोजन अधिकारी, पत्रकार अजय कुमार शुक्ला , पूर्व विधायक दिनेश चौधरी, राजीव सिंह प्रबंधक, वरिष्ठ पत्रकार शिवपूजन पांडे, प्रो सुरेश पाठक प्राचार्य, नवनीत मिश्र पत्रकार ने पंडित चंद्रेश मिश्र के जीवन एवं पत्रकारिता पर अपना विचार व्यक्त किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता एड. रामकृष्ण त्रिपाठी ने किया। आभार ज्ञापन प्राचार्य प्रोफेसर राघवेंद्र कुमार पांडे ने किया। प्रबंधक डॉ अजेंद्र कुमार दुबे एवं आलोक मिश्र ने कार्यक्रम में आए हुए अतिथियों को माल्यार्पण एवं स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया। इस मौके पर मेधावी छात्रों को अतिथियों ने  सम्मानित किया। संचालन प्रबंधक डॉ अजेंद्र कुमार दुबे ने किया। इस अवसर पर प्रबंधक अनिल कुमार सिंह, वरिष्ठ अधिवक्ता गौरीशंकर मिश्र, वरिष्ठ पत्रकार मंगलेश्वर (मुन्ना) त्रिपाठी, एडवोकेट अश्वनी दुबे, श्यामनारायण पाण्डेय पत्रकार पंडित भूषण मिश्र, रामसुमेर मिश्र, रामदयाल द्विवेदी, प्रभाकर त्रिपाठी पूर्व डाक अधीक्षक, लल्लन उपाध्यक्ष श्रीनारायण उपाध्याय,आशुतोष दुबे अरुण कुमार सिंह, विनय सिंह, प्रवीण सिंह,अशोक मिश्रा, अशोक विश्वकर्मा, नित्यानंद पांडे, देवी सिंह, राजीव सिंह, प्रभाकर त्रिपाठी, देवानंद मिश्र, रामजी तिवारी समेत क्षेत्रीय पत्रकार एवं वरिष्ठ नागरिक उपस्थित रहे।
संगीता भार्गव बनीं जोनल असिस्टेंट गवर्नर रोटरी क्लब ऑफ चंदौसी पूर्वांचल में खुशी की लहर, डिस्ट्रिक्ट गवर्नर काव्य रस्तोगी ने सौंपी नई जिम्मेदारी
संभल । डिस्ट्रिक्ट गवर्नर 3100 वर्ष 2027 28 रुटीन रुटेरिन काव्य रस्तोगी ने एक महत्वपूर्ण घोषणा करते हुए समाजसेवा में सदैव समर्पित रहने वाली रुटेरियन संगीता भार्गव को जोनल असिस्टेंट गवर्नर नियुक्त किया । 2016 में रोटरी क्लब ऑफ़ चंदौसी की आप प्रथम महिला अध्यक्ष रही ।तभी से लगातार आप  डिस्ट्रिक्ट टीम में विभिन्न पदों को सुशोभित कर चुकी हैं। श्रीमती संगीता भार्गव डिस्ट्रिक्ट की परिवाद समिति की अध्यक्ष के साथ साथ डिस्ट्रिक्ट वन ज़ीरो नाइन ज़ीरो डिस्ट्रिक्ट कमिश्नर व गाइड डिस्ट्रिक्ट कमिश्नर के पद से हमारे जिले को
संभाल रहीं हैं ।रोटरी क्लब ऑफ़ चंदौसी, पूर्वांचल के सभी सदस्यों ने संगीता भार्गव की इस पद पर नियुक्त होने पर उनको बधाई दी तथा आगे भी हमारे रोटरी क्लब चंदौसी पूर्वांचल का इसी तरह नाम रोशन करने पर उपेक्षा करी। इस कार्यक्रम में क्लब अध्यक्ष पवन गुप्ता नीरज चौधरी, नितिन अग्रवाल, राजीव कृष्णा पुनीत चौधरी, सुधांशु चौधरी, सुबोध गुप्ता, विशाल अग्रवाल आदि सदस्यों का विशेषज्ञ योगदान रहा।
स्नातक एवं शिक्षक विधान परिषद निर्वाचन को सकुशल संपन्न कराने के लिए सेक्टर मजिस्ट्रेट का प्रशिक्षण आयोजित*

*सेक्टर मजिस्ट्रेट को निर्वाचन संबंधी दायित्वों, मतदान प्रक्रिया एवं पोलिंग पार्टियों की रवानगी से लेकर मतपेटियों को स्ट्रांग रूम में जमा कराने तक की प्रक्रिया के संबंध में दी गई जानकारी

फर्रुखाबाद। उत्तर प्रदेश विधान परिषद आगरा खंड स्नातक एवं शिक्षक निर्वाचन को निष्पक्ष, पारदर्शी एवं सकुशल संपन्न कराने के दृष्टिगत रखकर विकास भवन सभागार में सेक्टर मजिस्ट्रेटों का प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया। प्रशिक्षण के दौरान सेक्टर मजिस्ट्रेटों को उनके दायित्वों, निर्वाचन संबंधी व्यवस्थाओं, मतदान प्रक्रिया तथा निर्वाचन सामग्री की सुरक्षा के संबंध में विस्तारपूर्वक जानकारी प्रदान की गई। साथ ही, निर्वाचन आयोग के निर्देशों के अनुरूप सभी व्यवस्थाएं समयबद्ध एवं व्यवस्थित ढंग से सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।

प्रशिक्षण में बताया गया कि 22 अक्टूबर, 2026 को जीआईसी, फतेहगढ़ से सभी 30 पोलिंग पार्टियों को निर्धारित समय पर रवाना किया जाएगा। सेक्टर मजिस्ट्रेट यह सुनिश्चित करेंगे कि संबंधित पोलिंग पार्टियां अपने निर्धारित मतदान स्थलों पर सकुशल पहुंच जाएं तथा उनके पहुंचने की सूचना समय से उपलब्ध कराई जाए। पोलिंग पार्टियों की रवानगी से लेकर मतदान स्थलों तक पहुंचने की प्रक्रिया पर सतत निगरानी रखने के निर्देश भी दिए गए।
23 अक्टूबर, 2026 को मतदान दिवस* पर सेक्टर मजिस्ट्रेट अपने आवंटित क्षेत्रों में भ्रमणशील रहकर मतदान संबंधी व्यवस्थाओं का जायजा लेंगे तथा निर्धारित समय पर मतदान प्रारंभ कराना सुनिश्चित करेंगे। मतदान प्रक्रिया के दौरान किसी भी प्रकार की समस्या उत्पन्न होने पर उसका त्वरित निराकरण कराने तथा निर्वाचन संबंधी दिशा-निर्देशों का अनुपालन सुनिश्चित करने पर विशेष बल दिया गया। मतदान समाप्त होने के बाद सीलबंद मतपेटियों को निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार सुरक्षित रूप से स्ट्रांग रूम में जमा कराने की व्यवस्था सेक्टर मजिस्ट्रेटों की देखरेख में सुनिश्चित की जाएगी।

प्रशिक्षण के दौरान यह भी अवगत कराया गया कि सभी सेक्टर मजिस्ट्रेटों को पृथक-पृथक फर्स्ट एड किट, एक मतपेटी तथा निर्वाचन संबंधी आवश्यक सामग्रियों का अलग थैला उपलब्ध कराया जाएगा, ताकि मतदान प्रक्रिया के दौरान आवश्यकतानुसार इनका उपयोग किया जा सके और निर्वाचन संबंधी व्यवस्थाओं में किसी प्रकार की असुविधा न हो।

उन्होंने सभी सेक्टर मजिस्ट्रेटों को निर्देशित किया कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में पोलिंग पार्टियों के मतदान स्थलों तक पहुंचने वाले मार्गों का भ्रमण कर निरीक्षण करें। मतदान केंद्रों पर उपलब्ध आवश्यक सुविधाओं एवं व्यवस्थाओं का भी स्थलीय निरीक्षण करते हुए निर्धारित प्रारूप में निरीक्षण रिपोर्ट उपलब्ध कराएं। मतदान स्थलों तक पहुंचने वाले मार्गों तथा बूथों पर आवश्यक व्यवस्थाओं की पूर्व जांच करने का उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि मतदान के दिन पोलिंग पार्टियों एवं मतदान कार्मिकों को किसी प्रकार की कठिनाई का सामना न करना पड़े।

प्रशिक्षण के माध्यम से सेक्टर मजिस्ट्रेटों को उनके दायित्वों के प्रति सजग करते हुए निर्देशित किया गया कि वे निर्वाचन संबंधी सभी कार्यों को गंभीरता, सतर्कता एवं जिम्मेदारी के साथ संपन्न कराएं, जिससे विधान परिषद निर्वाचन की प्रक्रिया शांतिपूर्ण, निष्पक्ष एवं व्यवस्थित ढंग से संपन्न हो सके।
प्रशिक्षण कार्यक्रम में प्रशिक्षण प्रभारी एवं परियोजना निदेशक कपिल कुमार, सहायक प्रशिक्षण प्रभारी एवं जिला प्रोबेशन अधिकारी अनिल कुमार, जिला विकास अधिकारी श्याम कुमार तिवारी तथा सहायक जिला निर्वाचन अधिकारी सहित संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
आमजन को गांव गांव में विधिक सेवा की दी जा रही जानकारी
फर्रुखाबाद।
जनपद न्यायाधीश के आदेशानुसार एवं सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण बिंदिया भटनागर के निर्देशन में एक नवंबर 2026 को आयोजित होने वाले मेगा बृहद विधिक सहायता एवं सेवा शिविर के व्यापक प्रचार-प्रसार तथा आमजन को विभिन्न शासकीय कल्याणकारी योजनाओं एवं विधिक सेवाओं की जानकारी प्रदान करने के उद्देश्य से गुरुवार को जनपद की विभिन्न ग्राम पंचायतों में विधिक साक्षरता एवं जागरुकता कार्यक्रम आयोजित किया गया।

इस दौरान थाना कमालगंज में पराविधिक स्वयंसेवक यशपाल सिंह एवं ललित कुमार तथा बढपुर, थाना कादरी गेट, विकास खण्ड बढ़पुर में पराविधिक स्वयंसेवक  सरिता दुबे, अनीता बौध्द,  निधि राजपूत एवं  सत्यपाल द्वारा द्वारा विधिक साक्षरता एवं जागरुकता कार्यक्रम आयोजित किए गए।

कार्यक्रमों के माध्यम से आमजन को अवगत कराया गया कि एक नवंबर 2026 को आयोजित होने वाले मेगा बृहद विधिक सहायता एवं सेवा शिविर का मुख्य उद्देश्य समाज के कमजोर एवं वंचित वर्गों को विधिक सेवाओं तथा विभिन्न शासकीय कल्याणकारी योजनाओं से जोड़कर उन्हें लाभान्वित करना है।

कार्यक्रमों के दौरान महिला सशक्तीकरण, महिलाओं एवं बच्चों के कल्याण, दिव्यांगजनों, निर्धन एवं कमजोर वर्गों, असंगठित क्षेत्र के श्रमिकों तथा अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति के कल्याणार्थ संचालित विभिन्न योजनाओं के संबंध में जानकारी प्रदान की गई। इसके साथ ही आमजन को निःशुल्क विधिक सहायता एवं अन्य विधिक सेवाओं की उपलब्धता के संबंध में जागरूक किया गया।

उन्होंने कहा कि आमजन को मध्यस्थता अभियान 3.0 के संबंध में भी जानकारी दी गई। साथ ही सभी यह अभियान एक अगस्त 2026 से 31 दिसंबर 2026 तक संचालित किया जा रहा है। इस अभियान का उद्देश्य मध्यम्यता के माध्यम से आपसी सहमति से विवादों का समाधान कराना तथा पक्षकारों को शीघ्र एवं सुलभ न्याय प्राप्त करने के लिए प्रेरित करना है।

ग्रामीणों को बताया गया कि मेगा बृद्ध विधिक सहायता एवं सेवा शिविर के माध्यम से विभिन्न शासकीय विभागों की जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी उपलब्ध कराने के साथ-साथ पात्र लाभार्थियों को योजनाओं से जोड़ने तथा उन्हें अनुमन्य लाभ दिलाने का प्रयास किया जाएगा। इस हेतु पात्र व्यक्तियों को संबंधित योजनाओं की जानकारी प्राप्त कर उनका लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया गया।

जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा आयोजित इन विधिक साक्षरता एवं जागरूकता कार्यक्रमों का उद्देश्य जनसामान्य तक विधिक सेवाओं एवं शासकीय कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी पहुँचाना तथा समाज के पात्र एवं जरूरतमंद व्यक्तियों को उनके अधिकारों एवं सुविधाओं से लाभान्वित करना है।
जिलाधिकारी राहुल पाण्डेय ने जनसुनवाई में सुनी शिकायतें
Sb न्यूज़ ब्यूरो रितेश मिश्रा
हरदोई आज कलेक्ट्रेट में जनसुनवाई करते हुए जनपद के विभिन्न क्षेत्रों से आए फरियादियों की समस्याओं एवं शिकायतों को गंभीरतापूर्वक सुना। जनसुनवाई के दौरान कुल 96 शिकायतें प्राप्त हुईं।
जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्राप्त शिकायतों का निर्धारित समय-सीमा में गुणवत्तापूर्ण एवं प्रभावी निस्तारण सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि शिकायतों के निस्तारण में किसी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए तथा फरियादियों को अनावश्यक रूप से कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें।
इस अवसर पर अपर जिलाधिकारी न्यायिक सहित सभी संबंधित अधिकारी उपस्थित रहें।
सकलडीहा में शराब तस्करों की दबंगई! थानेदार की गाड़ी में मारी टक्कर, बाल-बाल बचे
चंदौली। जिले के सकलडीहा थाना क्षेत्र में शराब तस्करों को पकड़ने के लिए की गई नाकेबंदी के दौरान बड़ा हादसा होने से टल गया। आरोप है कि पुलिस की कार्रवाई से बचकर भागने की कोशिश में शराब तस्करों ने थानेदार की गाड़ी को टक्कर मार दी। घटना में थानेदार बाल-बाल बच गए। इस घटना के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मचने की स्थिति बन गई।

जानकारी के अनुसार, शराब तस्करी की सूचना मिलने के बाद पुलिस टीम ने संदिग्ध वाहनों को रोकने के लिए नाकेबंदी की थी। इसी दौरान कथित तौर पर शराब तस्करों का वाहन सामने आया। पुलिस ने उन्हें रोकने का प्रयास किया, लेकिन आरोप है कि पकड़े जाने के डर से वाहन सवारों ने भागने की कोशिश की और थानेदार की गाड़ी में टक्कर मार दी।

इस घटना में थानेदार की जान बाल-बाल बची। घटना के बाद शराब तस्करी और पुलिस की सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं। हालांकि, घटना में शामिल आरोपियों की पहचान, गिरफ्तारी और बरामदगी को लेकर आधिकारिक जानकारी सामने आने के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी।

अब सवाल यह है कि पुलिस की नाकेबंदी तोड़कर भागने वाले शराब तस्करों पर क्या कार्रवाई होती है और उन्हें कब तक गिरफ्तार किया जाता है?
चंदौली में 3 लाख की अफीम बरामद, उत्तराखंड और बरेली के दो तस्कर गिरफ्तार


चंदौली। जिले में मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ कार्रवाई करते हुए अलीनगर पुलिस ने गुरुवार को 540 ग्राम अवैध अफीम के साथ दो आरोपियों को गिरफ्तार किया। पुलिस के मुताबिक, बरामद अफीम की अनुमानित कीमत करीब तीन लाख रुपये है। आरोपियों के कब्जे से तस्करी में इस्तेमाल की जा रही एक मोटरसाइकिल भी बरामद की गई है।

पुलिस अधीक्षक कार्यालय से 15 अक्टूबर को जारी प्रेस विज्ञप्ति के अनुसार, अलीनगर पुलिस टीम को मुखबिर से सूचना मिली थी। इसके आधार पर पुलिस ने रेवसा रिंग रोड सर्विस लेन के पास घेराबंदी कर चेकिंग शुरू की। इसी दौरान संदिग्ध मोटरसाइकिल को रोकने का इशारा किया गया, लेकिन उस पर सवार दोनों व्यक्तियों ने भागने का प्रयास किया। पुलिस टीम ने घेराबंदी कर उन्हें पकड़ लिया।

तलाशी के दौरान मोटरसाइकिल सवारों के पास मौजूद काले बैग में काली पन्नी के अंदर रखी 540 ग्राम अफीम बरामद हुई। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान उत्तराखंड के उधम सिंह नगर जिले के ट्रांजिट कैंप क्षेत्र निवासी सुरेंद्र पाल (29) और बरेली जिले के बारादरी थाना क्षेत्र निवासी लालता प्रसाद (48) के रूप में हुई है।

झारखंड से खरीदकर उत्तराखंड ले जाने का दावा

पुलिस की पूछताछ में आरोपियों ने कथित तौर पर बताया कि वे झारखंड के चतरा और आसपास के क्षेत्रों से अज्ञात व्यक्तियों के जरिए अफीम खरीदकर उत्तराखंड के उधम सिंह नगर और बरेली में ऊंचे दामों पर बेचने के लिए ले जा रहे थे।

इस मामले में अलीनगर थाने में मुकदमा संख्या 636/2026 के तहत एनडीपीएस एक्ट की धारा 8/18/29/60 में मुकदमा दर्ज किया गया है। पुलिस के अनुसार, मामले में आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जा रही है।