मैनपुरी में पति-पत्नी की घर में ही गोली मारकर हत्या, दो बच्चे बाहर नौकरी कर रहे थे
लखनऊ । मैनपुरी जिले के बरनाहल थाना क्षेत्र के ग्राम फूलपुर में बीती रात एक दिल दहला देने वाली घटना हुई। ग्रामीणों ने मंगलवार सुबह घर के पास से गुजरते हुए महेश चंद्र शाक्य और उनकी पत्नी अनीता देवी की गोली मारकर हत्या होने की जानकारी दी। घटना से पूरे गांव में सनसनी फैल गई।

जानकारी के अनुसार, दंपती अपने दो बच्चों के साथ अकेले रह रहे थे क्योंकि उनके बेटे ललित और अंकित बाहर नौकरी करते हैं। मृतक दंपती का शव घर के अंदर खून से लथपथ पाया गया। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस तुरंत मौके पर पहुंच गई और छानबीन शुरू कर दी।

स्थानीय ग्रामीणों ने बताया कि मृतक दंपती का मकान गांव के प्रमुख स्थान पर स्थित था और उनकी मौत से पूरे गांव में शोक का माहौल है। पुलिस ने कहा कि फिलहाल हत्या के कारणों का पता नहीं चला है और प्रारंभिक जांच में सभी संभावित कोणों को देखा जा रहा है।

बरनाहल थाना पुलिस मामले की गंभीरता से जांच कर रही है और जल्द ही आरोपी की पहचान कर कार्रवाई करने की बात कह रही है।यह घटना क्षेत्र में सुरक्षा की संवेदनशीलता को उजागर करती है और ग्रामीण प्रशासन तथा पुलिस के लिए चुनौती पेश करती है।
जिन हिस्ट्रीशीटर भाइयों से कांपते थे लोग, थाने में पकड़ने पड़े कान, वीडियो हुआ वायरल

शाहगंज गोलीकांड के फरार हिस्ट्रीशीटर अनस और सारिक गिरफ्तार, तमंचे बरामद

लखनऊ । आगरा के शाहगंज थाना क्षेत्र स्थित इंद्रा नगर में ताबड़तोड़ फायरिंग कर दहशत फैलाने के मामले में पुलिस ने शनिवार रात बड़ी सफलता हासिल की है। पुलिस ने चेकिंग के दौरान नाटकीय अंदाज में थाना शाहगंज के कुख्यात हिस्ट्रीशीटर अनस और सारिक को गिरफ्तार कर लिया। दोनों के कब्जे से एक-एक तमंचा बरामद किया गया है।पुलिस के अनुसार, शनिवार देर रात शाहगंज पुलिस फतेहपुर सीकरी की ओर से आने वाले वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान स्कूटी सवार दो संदिग्ध युवकों को रोका गया। तलाशी लेने पर दोनों के पास अवैध तमंचे मिले। पूछताछ में उनकी पहचान हिस्ट्रीशीटर सारिक और उसके भाई अनस के रूप में हुई।
गौरतलब है कि 11 जनवरी की रात इंद्रा नगर निवासी रिटायर्ड दरोगा सुरेंद्र सिंह के बेटे विष्णु उर्फ राघवेंद्र और भतीजे सत्येंद्र को घर के बाहर गोली मार दी गई थी। इस सनसनीखेज हमले में दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए थे। मामले में हिस्ट्रीशीटर वीपी उर्फ विनय, सारिक, अनस सहित अन्य आरोपियों के नाम सामने आए थे।पुलिस ने इससे पहले वीपी के पिता राजू, भाई छोटू, साथी अमित ठाकुर, मददगार दानिश, नवाजिश और प्रिंस को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया था। वहीं मुख्य आरोपी वीपी उर्फ विनय पुराने मामले में कोर्ट में पेश होकर खुद ही जेल चला गया था।पुलिस रिकॉर्ड के मुताबिक, अनस पर पहले से 8 और सारिक पर 6 आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं। दोनों शाहगंज क्षेत्र में दबदबा रखने वाले हिस्ट्रीशीटर बताए जाते हैं और घटना के बाद से फरार चल रहे थे।


गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने दोनों आरोपियों का वीडियो भी सोशल मीडिया पर जारी किया है, जिसमें वे कान पकड़कर भविष्य में किसी भी तरह की आपराधिक गतिविधि न करने की बात कहते नजर आ रहे हैं। वीडियो को लेकर इलाके में चर्चाओं का दौर तेज है।इस पूरे मामले में पुलिस की कार्यप्रणाली पर पहले भी सवाल उठ चुके हैं। गोलीकांड के बाद बीट पुलिस के सत्यापन को लेकर क्षेत्रीय लोगों ने सवाल खड़े किए थे। सात आरोपी पहले ही जेल जा चुके थे, बावजूद इसके फरार हिस्ट्रीशीटरों की गिरफ्तारी को लेकर पुलिस पर ढिलाई के आरोप लगते रहे। अब अनस और सारिक की गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने राहत की सांस ली है।थाना प्रभारी शाहगंज ने बताया कि दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश कर आगे की विधिक कार्रवाई की जा रही है।
बरेली सिटी मजिस्ट्रेट अलंकार अग्निहोत्री निलंबित, माघ मेला विवाद पर दिया इस्तीफा
लंकार अग्निहोत्री ने दावा किया कि डीएम आवास पर लगभग 45 मिनट तक उन्हें बंधक रखा

लखनऊ । प्रदेश सरकार ने बरेली के सिटी मजिस्ट्रेट अलंकार अग्निहोत्री को निलंबित कर दिया है और उन्हें शामली के कलेक्टर ऑफिस से अटैच कर दिया गया है। मामले की जांच मंडलायुक्त बरेली को सौंपी गई है।
इससे पहले, सोमवार को अलंकार अग्निहोत्री ने सिटी मजिस्ट्रेट के पद से इस्तीफा दिया, जो पूरे प्रशासनिक वर्ग और जनता के लिए चौंकाने वाला कदम माना जा रहा है। उनका इस्तीफा 26 जनवरी को आया, जब पूरा देश गणतंत्र दिवस मना रहा था। उन्होंने इस्तीफा प्रयागराज के माघ मेले में शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद और उनके शिष्यों के साथ हुई मारपीट और प्रशासनिक निष्क्रियता के विरोध में दिया।अलंकार अग्निहोत्री ने अपने सात पन्नों के पत्र में लिखा कि अब राज्य और केंद्र सरकार में न तो जनतंत्र है और न ही गणतंत्र, बल्कि केवल भ्रमतंत्र है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि देश में अब देशी सरकार नहीं, बल्कि विदेशी जनता पार्टी की सरकार है।उन्होंने कहा कि माघ मेले में वृद्ध आचार्यों और ब्राह्मण शिष्यों के साथ मारपीट और उनकी शिखा पकड़कर पीटना प्रशासन की ओर से ब्राह्मणों और साधु-संतों के प्रति अनुचित रवैया है। उन्होंने इसे साधु-संतों की अस्मिता का अपमान करार दिया।

सोशल मीडिया पर उनकी तस्वीर वायरल हुई, जिसमें अलंकार अग्निहोत्री यूजीसी बिल और शंकराचार्य पर हुए अपमान के विरोध में पोस्टर लिए खड़े थे। पोस्टर में लिखा था,  काला कानून वापस लो। शंकराचार्य और संतों का अपमान नहीं सहेगा हिंदुस्तान।”अलंकार अग्निहोत्री ने दावा किया कि डीएम आवास पर लगभग 45 मिनट तक उन्हें बंधक रखा गया और लखनऊ से आए एक अधिकारी ने उन्हें अपशब्द कहे। उन्होंने कहा कि जब उन्होंने फोन करके डीएम और एसएसपी को सूचित किया, तभी उन्हें छोड़ दिया गया।कर्मचारी कल्याण सेवा समिति बरेली कॉलेज के अध्यक्ष जितेंद्र मिश्रा ने कहा कि सिटी मजिस्ट्रेट का इस्तीफा दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने कहा कि सरकार को माघ मेला में शंकराचार्य शिष्यों के साथ हुई घटना की गंभीरता समझते हुए अलंकार अग्निहोत्री का इस्तीफा वापस लेना चाहिए। उन्होंने यूजीसी कानून को भी वापस लेने की मांग की और अलंकार का समर्थन किया।
लखनऊ पुलिस मित्र परिवार एवं इस वेलफेयर फाउंडेशन के संयुक्त तत्वाधान में स्वैच्छिक रक्तदान शिविर का किया गया आयोजन
लखनऊ ।  गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर  किंग जॉर्ज मेडिकल कॉलेज में लखनऊ पुलिस मित्र  परिवार एवं ईश वेलफेयर फाउंडेशन के द्वारा स्वैच्छिक रक्तदान सिविर का आयोजन किया गया।  शिविर मे  130 से अधिक समाज सेवियों एवं युवाओं ने सहभागिता की, जिसमें 70रक्तदाताओं व रक्त वीरांगनाओं ने  "एक हाथ तिरंगा एक हाथ रक्तदान" का संकल्प लेते हुए मानवता एवं राष्ट्रहित में  बढ़ चढ़कर रक्तदान किया! 27 रक्तदाता स्वास्थ्य कारणों से रक्तदान करने मे बिफल रहे।

यह शिविर  लखनऊ पुलिस मित्र परिवार के संरक्षक कविंद्र प्रताप सिंह की संरक्षता  एवं  शिविर के आयोजक / संस्थापक  जितेंद्र सिंह, फाउंडर मेम्बर सरिता सिंह, फाउंडर मेंबर/ सेक्टर  वार्डन सिविल डिफेंस-  ज्योति खरे , कवि कुलदीप तिवारी (कलश) फाउंडर मेम्बर नूतन वर्मा,  फाउंडर मेंबर एवं director,(प्रचार जंक्शन) सत्यम पांडेय,  फाउंडर मेंबर   प्रशांत बाजपेई  फाउंडर मेंबर अश्वनी कुमार, फाउंडर मेंबर आशीष सिंह,  प्रशांत तिवारी, पवन सिंह,संजय सिंह, अनुज श्रीवास्तव, एडवोकेट रिचा मिश्रा, बी के सिन्हा सहित बहुत सारे सहयोगियों के अथक प्रयास से सफल बनाया  गया!

रक्तदान शिविर के विशिष्ट अतिथि प्रो प्रो.डॉ. संदीप तिवारी Hod ट्रामा सेंटर  KGMU रहे, जिन्होंने रक्तदाताओं का उत्साह बढ़ाते हुए कहा कि “आज आप केवल रक्त नहीं, बल्कि किसी के जीवन की आशा दान कर रहे हैं। आपका यह निःस्वार्थ कार्य समाज में मानवता और सेवा की भावना को सशक्त बनाता है। इस अवसर पर देश की सेवा मे योगदान देने  वाले  सेवानिवृत्ति सैनिकों  अज़हर सिद्दीकी,  राहुल नयन,उप निरीक्षक उत्तर प्रदेश पुलिस , सत्येंद्र कुमार सिंह, कौशल किशोर सिंह, रंजीत  सिंह को  पुलिस मित्र परिवार द्वारा सम्मानित किया गया।”स्वैच्छिक रक्तदान सिविर के प्रथम रक्तदाता पुस्पेंद्र यादव  और द्वितीय रक्त वीरांगना शशिबाला पांडेय जी रही।

शिविर में रक्तदाता  वी के सिंह,अज़हर सिद्दीकी, पवन सिंह,  बी के सिन्हा,प्रभात कुमार श्रीवास्तव ,मनोज कुमार वर्मा ADC सिविल डिफेंस,शैल वर्मा, अतुल सिंह, मुरली, प्रदीप शर्मा, आशीष सिंह, धीरेंद्र मिश्रा, अविनाश पांडेय,  अनिल कुमार, डॉ सुनील कुमार वर्मा, सुजीत पटेल,सुरेंद्र कुमार, रितेश सिंह, रुचि मिश्रा, advocate रिचा मिश्रा, धीरेंद्र यादव  नीरज मिश्रा,गौरव शाहू, जितेंद्र यादव, सहित बहुत सारे  रक्तदाताओं ने उत्साह पूर्वक रक्तदान किया तथा कैंप को सफल बनाने मे  मेडिकल कालेज ब्लड बैंक टीम का काफी सहयोग रहा ।इस अवसर पर निर्मल एजुकेशन वे० सो० की उपाध्यक्ष रिचा मिश्रा, सहित विभिन्न सामाजिक संगठनो के प्रतिनिधियों एवं  गणमान्या व्यक्तियों की गरिमामयी उपस्थिति रही।
उत्तर प्रदेश पुलिस महानिदेशक ने गणतंत्र दिवस-2026 पर राष्ट्रीय ध्वज फहराया, पुलिसकर्मियों को दिए सम्मान

राजीव कृष्ण ने शहीदों को नमन करते हुए संवैधानिक मूल्यों, नागरिक सुरक्षा और प्रोफेशनल पुलिसिंग पर जोर दिया
18 कर्मियों को वीरता पदक, 68 को सराहनीय सेवा पदक और 470 को प्रशंसा चिन्ह प्रदान किया गया।

लखनऊ। 77वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर उत्तर प्रदेश पुलिस महानिदेशक  राजीव कृष्ण ने तिलक मार्ग स्थित आवास/कैम्प कार्यालय और पुलिस मुख्यालय, गोमती नगर में राष्ट्रीय ध्वज फहराया। उन्होंने प्रदेश के सभी अधिकारियों और कर्मचारियों को शपथ दिलाई और उत्तर प्रदेश पुलिस परिवार को गणतंत्र दिवस की शुभकामनाएँ दीं।

बलिदान से ही हमारा गणराज्य सुरक्षित

डीजीपी कृष्ण ने अमर राष्ट्र-बलिदानियों और वीर शहीदों को नमन करते हुए कहा कि उनके त्याग और बलिदान से ही हमारा गणराज्य सुरक्षित है। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश पुलिस मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रोफेशनलिज़्म, तत्परता और अपराधों के प्रति ज़ीरो टॉलरेंस दृष्टिकोण के साथ कार्य कर रही है।

पारदर्शिता और नागरिक सम्मान पर जोर दिया

पुलिस महानिदेशक ने संविधान आधारित पुलिसिंग, कानून का शासन, निष्पक्षता, पारदर्शिता और नागरिक सम्मान पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि नागरिक-केंद्रित सेवा, महिला सुरक्षा, मिशन शक्ति और साइबर अपराध पर त्वरित और प्रभावी कार्रवाई पुलिस का प्राथमिक कर्तव्य है।

प्रशिक्षण के महत्व को भी रेखांकित किया

उन्होंने वैज्ञानिक विवेचना, फॉरेंसिक विस्तार और प्रशिक्षण के महत्व को भी रेखांकित किया। 60,000 नव-भर्ती कांस्टेबलों के लिए Hybrid Mode Specialised Training लागू की गई है, जिसमें संवैधानिक आचरण, नागरिक-मित्र व्यवहार, बेसिक लॉ, साइबर जागरूकता और ड्यूटी एथिक्स पर जोर दिया गया है।

पुरस्कार और सम्मान

वीरता पदक: 18 पुलिसकर्मी
राष्ट्रपति का विशिष्ट सेवा पदक: 4 कर्मी
सराहनीय सेवा पदक: 68 कर्मी
उत्कृष्ट सेवा/प्रशंसा चिन्ह: 470 कर्मी

‘उत्कृष्ट सेवा सम्मान चिन्ह’

विनय कुमार सिंह, निरीक्षक, एसटीएफ, यूपी लखनऊ।
महेन्द्र कुमार, मुख्य आरक्षी चालक, आर्थिक अपराध अनुसंधान विभाग, यूपी लखनऊ।
दिलीप कुमार यादव, आरक्षी चालक, विशेष जांच, यूपी लखनऊ।

‘सराहनीय सेवा सम्मान चिन्ह’

संजय कुमार शुक्ला, निरीक्षक, जीआरपी मुख्यालय, यूपी लखनऊ।
नरेन्द्र सिंह, उपनिरीक्षक, जनपद हरदोई।

‘पुलिस महानिदेशक यूपी का प्रशंसा चिन्ह (प्लेटिनम)

अमृता मिश्रा, पुलिस अधीक्षक, स्थापना, मुख्यालय पुलिस महानिदेशक, यूपी लखनऊ।
उमेश देव पाण्डेय, निरीक्षक, अपराध शाखा, मुख्यालय पुलिस महानिदेशक, यूपी लखनऊ।

‘पुलिस महानिदेशक यूपी का प्रशंसा चिन्ह (गोल्ड)

मो. इमरान, पुलिस उप महानिरीक्षक, भवन/कल्याण, यूपी पुलिस मुख्यालय, लखनऊ।
आशुतोष कुमार सिंह, प्रतिसार निरीक्षक, पुलिस कमिश्नरेट, आगरा।
पुष्पेन्द्र नाथ, निरीक्षक, 15वीं वाहिनी पीएसी, आगरा।
अशोक कुमार, निरीक्षक, मुख्यालय पुलिस महानिदेशक, यूपी लखनऊ।
धीरज सिंह, मुख्य आरक्षी, मुख्यालय पुलिस महानिदेशक, यूपी लखनऊ।

‘पुलिस महानिदेशक यूपी का प्रशंसा चिन्ह (सिल्वर)

शिवम मिश्रा, पुलिस उपाधीक्षक, यूपी पुलिस मुख्यालय, लखनऊ।
जावेद खॉं, पुलिस उपाधीक्षक, नियंत्रण कक्ष, मुख्यालय पुलिस महानिदेशक, यूपी लखनऊ।
संतोष कुमार, निरीक्षक, सुरक्षा मुख्यालय, यूपी लखनऊ।
मनीष कुमार, उप निरीक्षक, एएनटीएफ, यूपी लखनऊ।


विशेष बातें

पुलिस महानिदेशक ने संवैधानिक मूल्यों को पुलिसिंग के दैनिक व्यवहार में लागू करने पर बल दिया।
मिशन शक्ति और महिला सुरक्षा के लिए जवाबदेह और मानकीकृत व्यवस्था लागू।
साइबर अपराध रोकथाम और त्वरित कार्रवाई के लिए Trained Cyber Help Desks का सृजन।
फॉरेंसिक जांच में राज्य की प्रगति, UPSIFS द्वारा प्रशिक्षण, शोध और विशेषज्ञता को संस्थागत आधार मिला।
पुलिस वेलफेयर, प्रशिक्षण, मनोबल और स्वास्थ्य पर निरंतर ध्यान देने की आवश्यकता रेखांकित।


वीरता और प्रोफेशनलिज़्म का उत्सव बन गया

77वाँ गणतंत्र दिवस उत्तर प्रदेश पुलिस के लिए संविधान और नागरिक सेवा के प्रति समर्पण, वीरता और प्रोफेशनलिज़्म का उत्सव बन गया। प्रदेश की कानून-व्यवस्था और सुरक्षा व्यवस्था में लगातार उत्कृष्टता बनाए रखने का संकल्प भी इस अवसर पर दोहराया गया।
गणतंत्र दिवस पर सूचना निदेशक विशाल सिंह ने फहराया तिरंगा, संविधान के प्रति निष्ठा का दिलाया संकल्प
लखनऊ।  गणतंत्र दिवस के अवसर पर सूचना निदेशक विशाल सिंह ने सूचना भवन परिसर में राष्ट्रीय ध्वज फहराया और उपस्थित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को संविधान के प्रति निष्ठा एवं कर्तव्यपरायणता की शपथ दिलाई।

इस अवसर पर उन्होंने सूचना भवन परिसर में आयोजित एक प्रदर्शनी का भी उद्घाटन किया, जिसमें विभागीय गतिविधियों तथा विभिन्न सरकारी योजनाओं की जानकारी प्रदर्शित की गई। अपने संबोधन में विशाल सिंह ने कहा कि हम सभी सौभाग्यशाली हैं कि स्वतंत्र देश में जन्म लिया है। उन्होंने स्वतंत्रता सेनानियों के संघर्ष और बलिदान को सदैव स्मरण रखने का आह्वान किया। साथ ही उन्होंने संविधान की प्रस्तावना में निहित मूल भावनाओं को आत्मसात कर अपने कर्तव्यों का ईमानदारी से निर्वहन करने की अपील की।
कार्यक्रम के दौरान देशभक्ति से ओत-प्रोत सांस्कृतिक प्रस्तुतियाँ दी गईं, वहीं उत्साह और उल्लास के प्रतीक रूप में रंग-बिरंगे गुब्बारे आकाश में छोड़े गए।


केजीएमयू में लिवर प्रेशर जांच की नई पहल, गंभीर मरीजों के इलाज में आएगी क्रांति
लखनऊ। किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (केजीएमयू) के मेडिसिन विभाग में पहली बार लिवर प्रेशर (HVPG – हेपेटिक वेनस प्रेशर ग्रेडिएंट) मापने की आधुनिक प्रक्रिया शुरू की गई है। इस अहम मेडिकल परीक्षण के जरिए अब लिवर रोगियों का इलाज केवल लक्षणों के आधार पर नहीं, बल्कि लिवर के वास्तविक प्रेशर को मापकर किया जाएगा।

इस नई तकनीक का लाभ लखनऊ निवासी 40 वर्षीय एक गंभीर लिवर मरीज को मिला है, जो पीलिया, पेट में पानी भरने और खून की उल्टियों जैसी जटिल समस्याओं से पीड़ित था। मरीज को जनरल मेडिसिन विभाग में भर्ती किया गया, जहां डॉ. सुधीर वर्मा की निगरानी में HVPG जांच कर लिवर प्रेशर के अनुसार दवाओं की सटीक डोज तय की गई। इसके बाद मरीज के स्वास्थ्य में तेजी से सुधार देखा गया।

डॉक्टरों के अनुसार, अत्यधिक शराब सेवन के कारण मरीज के लिवर में गंभीर क्षति हुई थी। पहले ऐसे मामलों में इलाज केवल लक्षणों के आधार पर किया जाता था, लेकिन अब लिवर प्रेशर की जांच से उपचार ज्यादा सटीक और प्रभावी होगा।

केजीएमयू में शुरू की गई यह प्रक्रिया गंभीर लिवर रोगियों के लिए मील का पत्थर साबित होगी और भविष्य में लिवर से जुड़ी जटिल बीमारियों के इलाज में बड़ा लाभ देगी।
अलीगंज क्षेत्र में दो दिन बाधित रहेगी पेयजल आपूर्ति, नागरिकों से जल भंडारण की अपील

लखनऊ। अलीगंज क्षेत्र के नागरिकों को आगामी दो दिनों तक पेयजल आपूर्ति में अस्थायी असुविधा का सामना करना पड़ सकता है। नगर निगम के जोन-3 के अंतर्गत सेक्टर-बी, अलीगंज में नवनिर्मित शिरोपरि जलाशय (ओवरहेड टैंक) के अंतः संयोजन (इंटरकनेक्शन) का कार्य 27 जनवरी 2026 एवं 28 जनवरी 2026 को प्रस्तावित है। इस तकनीकी कार्य के चलते जोन-3 के अंतर्गत आने वाले अलीगंज क्षेत्र की पेयजल आपूर्ति प्रभावित रहेगी।

जलकल विभाग के अधिकारियों के अनुसार यह कार्य क्षेत्रवासियों को भविष्य में बेहतर, सुचारू और पर्याप्त दबाव के साथ स्वच्छ पेयजल उपलब्ध कराने के उद्देश्य से किया जा रहा है। शिरोपरि जलाशय के अंतः संयोजन के बाद जल वितरण प्रणाली अधिक प्रभावी होगी तथा जलापूर्ति से जुड़ी समस्याओं में स्थायी सुधार की संभावना है। हालांकि, कार्य के दौरान अस्थायी रूप से जलापूर्ति रोकना तकनीकी रूप से आवश्यक है।

नगर निगम प्रशासन ने सम्मानित नागरिकों से अपील की है कि वे किसी भी प्रकार की असुविधा से बचने के लिए पूर्व से ही पर्याप्त मात्रा में पेयजल का भंडारण कर लें। विशेष रूप से बुजुर्गों, बच्चों, बीमार व्यक्तियों एवं आवश्यक सेवाओं से जुड़े परिवारों को अतिरिक्त सावधानी बरतने का अनुरोध किया गया है।

वैकल्पिक व्यवस्था के रूप में नगर निगम द्वारा पेयजल टैंकरों से जलापूर्ति की सुविधा भी उपलब्ध कराई जाएगी। आपात स्थिति में जल टैंकर की आवश्यकता होने पर नागरिक अरुण कुमार सिंह (पी.एस.एस.) मोबाइल नंबर 8177054122 अथवा अशुतोष कुमार (अवर अभियंता) मोबाइल नंबर 7052243530 पर संपर्क कर सकते हैं।

लखनऊ मेट्रो में सांस्कृतिक प्रस्तुति के साथ राष्ट्रीय बालिका दिवस का उत्सव

वंचित वर्ग की बालिकाओं के साथ मनाया गया राष्ट्रीय बालिका दिवस

मेट्रो की विशेष यात्रा के दौरान बालिकाओं ने दिया शिक्षा और सशक्तिकरण का संदेश

लखनऊ। राष्ट्रीय बालिका दिवस के अवसर पर उत्तर प्रदेश मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन (UPMRC) द्वारा हजरतगंज मेट्रो स्टेशन पर वंचित वर्ग की बालिकाओं के लिए एक विशेष सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य बालिका शिक्षा, अधिकारों और सशक्तिकरण के प्रति समाज में जागरूकता बढ़ाना रहा।

इस अवसर पर लखनऊ मेट्रो के सहयोग से नवचेतना एकेडमी से जुड़ी वंचित वर्ग की बालिकाओं ने स्टेशन परिसर में बालिका शिक्षा विषय पर एक प्रभावशाली नाटक प्रस्तुत किया। इसके साथ ही विभिन्न सांस्कृतिक प्रस्तुतियों के माध्यम से बालिकाओं ने अपनी प्रतिभा, आत्मविश्वास और सृजनात्मकता का सराहनीय प्रदर्शन किया, जिसे उपस्थित यात्रियों और अधिकारियों ने सराहा।

कार्यक्रम के उपरांत बालिकाओं को विशेष मेट्रो यात्रा कराई गई। पहली बार मेट्रो की भव्यता को नजदीक से देखकर और उसमें सफर कर ये बालिकाएं अत्यंत उत्साहित और रोमांचित नजर आईं। इस पहल से बालिकाओं में सार्वजनिक परिवहन के प्रति जागरूकता और आत्मविश्वास भी देखने को मिला।

उल्लेखनीय है कि राष्ट्रीय बालिका दिवस प्रतिवर्ष 24 जनवरी को मनाया जाता है। इसकी शुरुआत वर्ष 2008 में भारत सरकार द्वारा की गई थी, जिसका उद्देश्य समाज में बालिकाओं के अधिकारों, शिक्षा, स्वास्थ्य और सशक्तिकरण के प्रति जागरूकता बढ़ाना है।

लोक भवन गुजरात में उत्तर प्रदेश स्थापना दिवस का भव्य आयोजन
* मंत्री ए.के. शर्मा ने रेखांकित की उत्तर प्रदेश की विकास यात्रा

* एक भारत–श्रेष्ठ भारत की भावना के अनुरूप पांच राज्यों का संयुक्त आयोजन

लखनऊ। गुजरात स्थित लोक भवन में उत्तर प्रदेश स्थापना दिवस के अवसर पर भव्य कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए. के. शर्मा मुख्य रूप से उपस्थित रहे। एक भारत–श्रेष्ठ भारत की भावना को साकार करते हुए इस आयोजन में उत्तर प्रदेश के साथ असम, त्रिपुरा, मणिपुर और मेघालय का स्थापना दिवस भी उत्साहपूर्वक मनाया गया। कार्यक्रम में विभिन्न राज्यों की सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने आपसी सौहार्द और राष्ट्रीय एकता का सुंदर संदेश दिया।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मंत्री श्री ए.के. शर्मा ने उत्तर प्रदेश स्थापना दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश आज सामाजिक, सांस्कृतिक और आर्थिक विकास की नई इबारत लिख रहा है। प्रदेश सरकार के निरंतर प्रयासों से उत्तर प्रदेश ने हर क्षेत्र में उल्लेखनीय प्रगति की है और आज देश के अग्रणी राज्यों में अपनी मजबूत पहचान बना चुका है।

मंत्री श्री शर्मा ने कहा कि उत्तर प्रदेश संस्कृति, पर्यटन, शिक्षा, ऊर्जा, स्वास्थ्य, निवेश, उद्योग और सुशासन के क्षेत्र में तेजी से आगे बढ़ रहा है। बेहतर बुनियादी ढांचे, निवेश के अनुकूल वातावरण और पारदर्शी शासन व्यवस्था के चलते राज्य आज न केवल राष्ट्रीय बल्कि वैश्विक मंच पर भी सशक्त उपस्थिति दर्ज करा रहा है।

उन्होंने प्रदेश सरकार की जीरो टॉलरेंस नीति का उल्लेख करते हुए कहा कि अपराध और गुंडागर्दी के खिलाफ सख्त कार्रवाई से कानून व्यवस्था में व्यापक सुधार हुआ है। स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार से आमजन को बेहतर सेवाएं उपलब्ध हो रही हैं। मंत्री श्री शर्मा ने कहा कि कभी “बीमारू राज्य” के रूप में पहचाना जाने वाला उत्तर प्रदेश आज उस छवि को पीछे छोड़ते हुए विकास का मॉडल बन रहा है।

किसान कल्याण को सरकार की प्राथमिकता बताते हुए उन्होंने कहा कि अन्नदाता किसानों की आय दोगुनी करने के संकल्प के साथ सरकार निरंतर कार्य कर रही है। यह परिवर्तन प्रदेश की जनता के सहयोग, विश्वास और सहभागिता से संभव हुआ है।

इस अवसर पर गुजरात के राज्यपाल  आचार्य देवव्रत ने भी उत्तर प्रदेश स्थापना दिवस की शुभकामनाएं दीं और प्रदेश की प्रगति की सराहना की। कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश सहित असम, त्रिपुरा, मणिपुर और मेघालय के अनेक गणमान्य प्रतिनिधि, अधिकारी एवं बड़ी संख्या में आमजन उपस्थित रहे।