पुलिस अधीक्षक सुलतानपुर के निर्देशन में आज जनपद के समस्त थानों पर थाना दिवस का आयोजन*
सुलतानपुर,पुलिस अधीक्षक सुलतानपुर के निर्देशन में आज जनपद के समस्त थानों पर थाना दिवस का आयोजन किया गया। थाना दिवस के अवसर पर संबंधित अधिकारियों द्वारा उपस्थित फरियादियों की शिकायतों को गंभीरता पूर्वक सुना गया। प्राप्त प्रार्थना पत्रों के गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध निस्तारण हेतु संबंधित अधिकारियों/कर्मचारियों को आवश्यक आदेश–निर्देश दिए गए। इस दौरान राजस्व विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी भी उपस्थित रहे। पुलिस–राजस्व की संयुक्त टीम द्वारा भूमि एवं अन्य राजस्व संबंधी प्रकरणों पर समन्वय स्थापित करते हुए आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित की गई। जनपद पुलिस द्वारा यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि प्रत्येक शिकायत का निष्पक्ष, पारदर्शी एवं त्वरित समाधान हो, जिससे आमजन का विश्वास सुदृढ़ बना रहे।
मिडिल ईस्ट में बड़े युद्ध की शुरुआत: इजराइल-अमेरिका का ईरान पर हमला,तेहरान समेत कई शहरों में धमाके

#middleeastisraelattackoniranexplosionheardin_tehran

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इजरायल और ईरान के बीच जंग शुरू हो गई है। थोड़ी देर पहले इजरायल और अमेरिका ने ईरान पर भीषण बमबारी की है। तेहरान में इस समय तबाही का मंजर नजर आ रहा है। अमेरिका के साथ मिलकर यहूदी देश ने ईरान के राष्ट्रपति भवन, खुफिया एजेंसी और एयरपोर्ट सहित 30 ठिकानों पर ताबड़तोड़ हमला किया है।

राजधानी तेहरान में धमाके

ईरान की राजधानी तेहरान के बीच वाले इलाके में तीन जोरदार धमाकों की आवाज सुनी गई है। ईरानी मीडिया के अनुसार, धमाकों के बाद सुरक्षा बल मौके पर पहुंच गए। फार्स न्यूज एजेंसी के मुताबिक, तेहरान के रिपब्लिक इलाके में कई मिसाइलें गिरी हैं। अभी तक नुकसान या हताहतों की आधिकारिक जानकारी नहीं दी गई है।

इन शहरों में भी विस्फोट

वहीं कई ईरानी समाचार एजेंसियों ने पुष्टि की है कि ईरान के विभिन्न शहरों में विस्फोटों की आवाज़ें सुनी गई हैं। तेहरान के अलावा, करमानशाह, क़ोम, लोरेस्तान, कराज और तबरीज़ उन शहरों में शामिल हैं जहां इन मीडिया आउटलेट्स ने विस्फोटों की पुष्टि की है।

इरायल-अमेरिका जॉइंट ऑपरेशन

बताया जा रहा है कि इज़रायल ने अमेरिका के इशारे पर ही ईरान पर मिसाइलें दागीं हैं और यह हमला दोनों देशों का जॉइंट ऑपरेशन है। पिछले काफी समय से अटकलें लगाई जा रही थीं कि अमेरिका और ईरान में जल्द ही युद्ध शुरू हो सकता है और आज, शनिवार, 28 फरवरी को युद्ध का बिगुल बज गया है।

खामेनेई को सुरक्षित जगह ले जाया गया

हमलो के बीच ईरानी राष्ट्रपति अयातुल्ला अली खामनेई को सुरक्षित ठिकाने पर भेज दिया गया है। एक ईरानी अधिकारी ने रॉयटर्स को बताया कि उन्हें एक 'सुरक्षित स्थान' पर ले जाया गया है।

इजरायल ने ईरान पर क्यों किया हमला?

इजरायली सुरक्षा सूत्रों के मुताबिक ऑपरेशन कई महीनों से प्लान किया जा रहा था और इसका लक्ष्य ईरान की सुरक्षा व्यवस्था को कमजोर करना है। अमेरिकी अधिकारियों ने भी संकेत दिया है कि हमले बड़े दायरे में होंगे और इजरायल के साथ मिलकर कार्रवाई की जा रही है। एक रिपोर्ट में कहा गया कि कम से कम चार दिन तक भारी हमले जारी रह सकते हैं। इराक के आसमान में भी क्रूज मिसाइलें देखी गईं, जिससे साफ है कि हमले कई दिशाओं से किए जा रहे हैं।

घर सुल्तानपुर फाउंडेशन द्वारा महान क्रांतिकारी चंद्रशेखर आज़ाद की पुण्यतिथि के अवसर पर दीप प्रज्वलन एवं श्रद्धांजलि कार्यक्रम का आयोजन*
सुल्तानपुर,आजाद पार्क में घर सुल्तानपुर फाउंडेशन द्वारा महान क्रांतिकारी चंद्रशेखर आज़ाद की पुण्यतिथि के अवसर पर दीप प्रज्वलन एवं श्रद्धांजलि कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में घर सुल्तानपुर फाउंडेशन के सदस्यों एवं युवाओं ने आज़ाद पार्क स्थित मूर्ति पर पुष्प अर्पित कर भावभीनी श्रद्धांजलि दी। पवन तिवारी ने कहा कि चंद्रशेखर आज़ाद साहस, बलिदान और राष्ट्रप्रेम के प्रतीक हैं। समरेंद्र सिंह ने कहा उनका जीवन आज के युवाओं को अन्याय के विरुद्ध खड़े होने और देशहित को सर्वोपरि रखने की प्रेरणा देता है। घर सुल्तानपुर फाउंडेशन ने युवाओं से उनके विचारों को अपने जीवन में अपनाने का आह्वान किया। कार्यक्रम के अंत में दो मिनट का मौन रखकर अमर शहीद को नमन किया गया और देशभक्ति नारों के साथ आयोजन संपन्न हुआ। सभा में नितिन मिश्रा, पवन तिवारी , हैप्पी, सचिन सिंह, राघवेंद्र सिंह, जिगर सिंह , मधुरम पाठक सिद्धार्थ सिंह, प्रीतेश गुप्ता , अभिषेक तिवारी , शरद शुक्ल मौजूद रहे घर सुल्तानपुर फाउंडेशन
झारखंड निकाय चुनाव 2026: स्थानीय मुद्दों और व्यक्तिगत छवि का बोलबाला, निर्दलियों ने बिखेरा जलवा

झारखंड में 48 शहरी स्थानीय निकायों के चुनाव परिणामों ने एक दिलचस्प तस्वीर पेश की है। दलीय चिन्हों के बिना हुए इस चुनाव में छोटे शहरों के मतदाताओं ने स्थानीय मुद्दों और उम्मीदवारों की व्यक्तिगत छवि को तरजीह दी है। निर्दलीय प्रत्याशियों ने प्रमुख राजनीतिक दलों (भाजपा और झामुमो) को कड़ी टक्कर देते हुए शानदार प्रदर्शन किया है।

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प्रमुख चुनावी आंकड़े

निर्दलीयों का कब्जा: 39 नगर परिषद और पंचायतों में से 17 पर निर्दलीय उम्मीदवारों ने अध्यक्ष पद पर जीत हासिल की है।

भाजपा का प्रदर्शन: भाजपा समर्थित 11 उम्मीदवारों ने जीत दर्ज की है।

झामुमो का प्रदर्शन: झामुमो समर्थित 9 उम्मीदवार जीतने में सफल रहे हैं।

अन्य दल: कांग्रेस समर्थित 2 और माले समर्थित 1 प्रत्याशी ने जीत हासिल की है।

गठबंधन का हाल: NDA और INDIA गठबंधन के घटक दल (जैसे आजसू, राजद) किसी भी अध्यक्ष पद को जीतने में सफल नहीं हुए हैं।

विजयी उम्मीदवारों की सूची (अध्यक्ष/मेयर)

1. निर्दलीय और अन्य समर्थित अध्यक्ष

निकाय का नाम विजेता का नाम

हुसैनाबाद नगर पंचायत अजय भारती

हरिहरगंज नगर पंचायत कुमारी शीला चौधरी

छत्तरपुर नगर पंचायत अरविंद गुप्ता

श्री बंशीधरनगर नगर पंचायत साधना देवी

मझिआंव नगर पंचायत सुमित्रा देवी

लातेहार नगर पंचायत महेश सिंह

कोडरमा नगर पंचायत साजिद हुसैन लल्लू

बासुकीनाथ नगर पंचायत वीणा देवी

जामताड़ा नगर पंचायत आशा गुप्ता

गढ़वा नगर परिषद आशीष सोनी उर्फ दौलत सोनी

विश्रामपुर नगर परिषद गीता देवी

चतरा नगर परिषद अताउर रहमान

झुमरीतिलैया नगर परिषद रमेश हर्षधर

गोड्डा नगर परिषद सुशील रमानी

पाकुड़ नगर परिषद शबरी पाल

चिरकुंडा नगर परिषद सुनीता देवी

कपाली नगर परिषद परवेज आलम

सिमडेगा नगर परिषद ओलिवर लकड़ा

2. भाजपा समर्थित अध्यक्ष

निकाय का नाम विजेता का नाम

डोमचांच नगर पंचायत उमेश वर्मा

बड़कीसरैया नगर पंचायत शोभा देवी

लातेहार नगर पंचायत महेश सिंह

राजमहल नगर पंचायत केताबुद्दीन

महागामा नगर पंचायत प्रबोध सोरेन

बरहरवा नगर पंचायत अर्पिता दास

खूंटी नगर पंचायत रानी टूटी

मिहिजाम नगर परिषद जयश्री देवी

मधुपुर नगर परिषद मिती कुमारी

लोहरदगा नगर परिषद अनिल उरांव

गुमला नगर परिषद शकुंतला उरांव

3. झामुमो (JMM) समर्थित अध्यक्ष

निकाय का नाम विजेता का नाम

बुंडू नगर पंचायत जीतेंद्र उरांव

राजमहल नगर पंचायत केताबुद्दीन

सरायकेला नगर पंचायत मनोज कुमार चौधरी

चाकुलिया नगर पंचायत सोमवारी सोरेन

साहिबगंज नगर परिषद रामनाथ पासवान

दुमका नगर परिषद अभिषेक चौरसिया

चकधरपुर नगर परिषद शनि उरांव

चाईबासा नगर परिषद नितिन प्रकाश

जुगसलाई नगर परिषद नौशान खान

4. कांग्रेस और माले समर्थित अध्यक्ष

निकाय का नाम विजेता का नाम

फुसरो नगर परिषद निर्मला देवी (कांग्रेस)

रामगढ़ नगर परिषद कुसुमलता कुमारी (कांग्रेस)

धनवार नगर पंचायत विनय कुमार संथालिया (माले)

বসিরহাটে কেন্দ্রীয় আধা সামরিক বাহিনী
বসিরহাট:নির্ধারিত সময়ের আগেই বসিরহাটে বিধানসভা নির্বাচনকে ঘিরে সম্ভাব্য যে কোনো ধরনের বিশৃঙ্খলা রুখতে মোতায়েন করা হলো তিন কোম্পানি কেন্দ্রীয় আধা সামরিক বাহিনী। শনিবার সকাল থেকেই বসিরহাট শহরের একাধিক গুরুত্বপূর্ণ এলাকায় শুরু হয় বাহিনীর টহল ও রুট মার্চ। শহরের ত্রিমোহিনী চত্বর থেকে কেন্দ্রীয় বাহিনীর রুট মার্চ শুরু হয়। এই রুট মার্চের নেতৃত্ব দেন বসিরহাট পুলিশ জেলার ডিএসপি হেডকোয়ার্টার দীপাঞ্জন চট্টোপাধ্যায়। তার সঙ্গে ছিলেন বসিরহাট থানার আইসি রক্তিম চট্টোপাধ্যায় সহ স্থানীয় পুলিশের আধিকারিকরা। রুট মার্চে শহরের একাধিক জনবহুল ও সংবেদনশীল এলাকা ঘুরে দেখা হয়।
বসিরহাট পুলিশ জেলার পুলিশ সুপার আরিশ বিলাল জানিয়েছেন, এখনো পর্যন্ত জেলায় মোট তিন কোম্পানি কেন্দ্রীয় আধা সামরিক বাহিনী মোতায়েন করা হয়েছে। প্রতি কোম্পানিতে প্রায় ৬০ জন করে জওয়ান রয়েছেন। নির্বাচনকে সামনে রেখে নিরাপত্তা ব্যবস্থাকে আরও জোরদার করতেই এই আগাম মোতায়েন বলে জানিয়েছেন তিনি।
পুলিশ সূত্রে খবর, ন‍্যাজাট, বসিরহাট, স্বরূপনগর ও হাসনাবাদ, এই চারটি থানা এলাকায় কেন্দ্রীয় বাহিনীকে কৌশলগত ভাবে মোতায়েন করা হয়েছে। স্থানীয় পুলিশের সঙ্গে সমন্বয় রেখে তারা টহল, রুট মার্চ ও নজরদারির কাজ চালাবে। নির্বাচনের আগে শান্তিপূর্ণ পরিবেশ বজায় রাখা, সাধারণ মানুষের নিরাপত্তা নিশ্চিত করা এবং কোনো রকম অপ্রীতিকর ঘটনা এড়াতেই এই পদক্ষেপ বলে প্রশাসনের তরফে জানানো হয়েছে।
होली के मद्देनजर यूपी पुलिसकर्मियों की छुट्टी रद्द

लखनऊ। होली पर्व को ध्यान में रखते हुए उत्तर प्रदेश पुलिस महानिदेशक राजीव कृष्ण ने सभी पुलिसकर्मियों की छुट्टी रद्द कर दी हैं। इस संबंध में सभी अधिकारियों को आदेश जारी कर दिए गए हैं। डीजीपी के आदेश के मुताबिक, होली के त्योहार को देखते हुए 1 मार्च से सात मार्च तक के लिए सभी पुलिसकर्मियों की छुट्टियां रद्द हो गई हैं। होली में किसी भी तरह की अप्रिय घटना को रोकने के लिए यह निर्णय लिया गया है। होली को लेकर उत्तर प्रदेश के तमाम जिलों में खासतौर पर सतर्कता बरती जा रही है। ऐसे में पुलिस की पूर्ण उपलब्धता को सुनिश्चित करने के मकसद से यह कदम उठाया गया है। उत्तर प्रदेश के सभी डीजी, एडीजी, आईजी और डीआईजी के साथ एसएसपी को ये निर्देश दिए गए हैं। डीजीपी ने पुलिसकर्मियों को सोशल मीडिया के सभी प्लेटफार्म की भी सतर्क निगरानी करने को कहा हैं । भ्रामक खबरों पर नजर रखने के निर्देश दिए। यदि कहीं कोई अफवाह फैलाने की कोशिश करता है तो उस पर तुरंत कार्रवाई की जाए। होलिका दहन वाले स्थानों पर पहले से ही सुरक्षा का इंतजाम हो। जिन स्थानों पर पहले कोई विवाद हुआ हो वहां अतिरिक्त बल तैनात किया जाएगा।
दुबई में दबोचा गया शाइन सिटी का भगोड़ा राशिद नसीम, भारत लाने की तैयारी तेज
लखनऊ/दुबई। निवेश के नाम पर उत्तर प्रदेश समेत कई राज्यों में सैकड़ों करोड़ रुपये की ठगी कर फरार हुए शाइन सिटी ग्रुप के प्रमोटर राशिद नसीम को प्रवर्तन निदेशालय (ED) के अनुरोध पर दुबई में गिरफ्तार कर लिया गया है। अब उसे प्रत्यर्पण की प्रक्रिया के तहत जल्द भारत लाने की तैयारी की जा रही है।
बताया जा रहा है कि 2019 में देश छोड़कर दुबई भागे राशिद नसीम के खिलाफ ईडी और आर्थिक अपराध शाखा (EOW) ने कार्रवाई तेज करते हुए यूएई प्रशासन से प्रत्यर्पण का अनुरोध किया था। इसी के आधार पर दुबई पुलिस ने उसे हिरासत में लिया।
लखनऊ की विशेष PMLA अदालत ने अप्रैल 2025 में राशिद नसीम को भगोड़ा घोषित किया था। उसके खिलाफ मनी लॉन्ड्रिंग और निवेशकों से धोखाधड़ी के गंभीर आरोप हैं। वह शाइन सिटी ग्रुप के जरिए प्लॉट और निवेश योजनाओं के नाम पर लोगों से धन जुटाकर फरार हो गया था।
जांच एजेंसियों के अनुसार, राशिद नसीम और उसके सहयोगियों ने उत्तर प्रदेश सहित कई राज्यों में निवेशकों से सैकड़ों करोड़ रुपये एकत्र किए। मामले के खुलासे के बाद उसकी प्रयागराज, लखनऊ समेत कई जिलों में स्थित अवैध संपत्तियों को पहले ही जब्त किया जा चुका है। प्रशासन ने उस पर 50,000 रुपये का इनाम भी घोषित किया था।
अब ईडी और ईओडब्ल्यू की संयुक्त कार्रवाई के बाद उसकी गिरफ्तारी को बड़ी सफलता माना जा रहा है। कानूनी प्रक्रिया पूरी होते ही उसे यूएई से भारत लाया जाएगा, जहां उससे व्यापक पूछताछ की जाएगी और आगे की न्यायिक कार्रवाई की जाएगी। गौरतलब हो कि रशीद के खिलाफ सैकड़ों एफआईआर दर्ज हैं।
AI समिट शर्टलेस प्रोटेस्ट केस में कांग्रेस यूथ प्रेसिडेंट उदय भानु चिब को बड़ी राहत, कोर्ट ने दी जमानत

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एआई इम्पैक्ट समिट में के दौरान भारत मंडपम में हुए 'शर्टलेस' विरोध प्रदर्शन मामले में इंडिया यूथ कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष उदय भानु चिब को बड़ी राहत मिली है। दिल्ली के पटियाला हाउस कोर्ट के ड्यूटी मजिस्ट्रेट ने उदय को आज सुबह जमानत दे दी है।

रिमांड बढ़ाने की अर्जी खारिज

देर रात सुनवाई के बाद कोर्ट ने पुलिस की 7 दिन की रिमांड बढ़ाने की अर्जी खारिज कर दी, क्योंकि उदय के खिलाफ ठोस सबूत नहीं मिले। उदय को पटियाला हाउस कोर्ट के ड्यूटी मजिस्ट्रेट से जमानत तो मिल गई है, लेकिन इसके लिए उदय को कुछ शर्तें माननी पड़ेंगी। जमानत शर्तों में 50 हजार रुपये के पर्सनल बॉन्ड का भुगतान ज़रूरी है। इसके साथ ही उदय को कोर्ट में अपने पासपोर्ट और इलेक्ट्रॉनिक डिवासेज़ भी सरेंडर करने होंगे।

रिमांड बढ़ाने की मांग

इससे पहले चिब के वकील एडवोकेट सुलेमान मोहम्मद खान ने बताया कि 'दिल्ली पुलिस क्राइम ब्रांच ने उदय भानु की पुलिस कस्टडी बढ़ाने के लिए एक एप्लीकेशन दी है। उन्होंने रिमांड को 7 दिन बढ़ाने की मांग की है, और एक आरोपी की पांच दिन और दूसरे की दो दिन की रिमांड के लिए दो एप्लीकेशन भी दी हैं।

क्या है मामला?

दिल्ली पुलिस ने एआई इम्पैक्ट समिट में भारतीय युवा कांग्रेस के सदस्यों के एक गुट की ओर से कमीज उतारकर किए गए विरोध प्रदर्शन के संबंध में संगठन के अध्यक्ष उदय भानु चिब को ‘मुख्य साजिशकर्ता’ करार देते हुए गिरफ्तार किया था। एआई इम्पैक्ट समिट के दौरान 20 फरवरी को यूथ कांग्रेस ने 'शर्टलेस' विरोध प्रदर्शन किया था। पुलिस ने उदय के साथ कृष्ण हरि, कुन्दन यादव, नरसिम्हा यादव, अजय कुमार यादव और कुछ अन्य यूथ कांग्रेस सदस्यों को गिरफ्तार किया था और उदय को मुख्य साजिशकर्ता बताया था।

नेपाल में 5 मार्च को चुनाव, भारत के लिए क्यों है अहम?

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भारत से सटे देश नेपाल में 5 मार्च को राष्ट्रीय चुनाव होने जा रहा है। यह चुनाव युवाओं के नेतृत्व में हुए प्रदर्शनों के छह महीने बाद हो रहा है, जिन्होंने मार्क्सवादी नेता केपी शर्मा ओली के प्रशासन को गिरा दिया था। इस प्रदर्शन के दौरान दर्जनों लोग मारे गए थे और सैकड़ों घायल हुए थे क्योंकि प्रदर्शनकारियों ने सरकारी इमारतों पर हमला किया था और पुलिस ने गोलीबारी की थी।

तय होगी भारत-नेपाल संबंध की दिशा

इस बार के चुनाव में मुख्य मुकाबला केपी शर्मा ओली और काठमांडू के पूर्व मेयर और राष्ट्रीय स्वतंत्रता पार्टी के युवा चेहरे बालेंद्र शाह के बीच है। पड़ोसी देश होने के नाते इस चुनाव के परिणाम का सीधा असर भारत पर भी पड़ेगा। काठमांडू की सत्ता में कौन बैठेगा, यह तय करेगा कि आने वाले समय में भारत-नेपाल संबंध किस दिशा में आगे बढ़ेंगे।

लिखित इतिहास से भी पुराना भारत-नेपाल संबंध

भारत के लिए नेपाल केवल एक पड़ोसी नहीं है, बल्कि दोनों देशों के बीच 'रोटी-बेटी' का पुराना नाता है। दोनों देशों के बीच का संबंध लिखित इतिहास से भी पुराना बताया जाता है, जिसकी छवि आज भी खुली सीमाओं में नजर आती है। इसलिए नेपाल से जुड़ा हर अहम विषय भारत को बहुत ही गहराई से प्रभावित करता है।

1,850 किमी लंबी खुली सीमा की चिंता

भारत और नेपाल के बीच 1,850 किलोमीटर से अधिक लंबी खुली सीमा है। नेपाल में राजनीतिक स्थिरता भारत की राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए बेहद अहम है। अगर नेपाल में एक मजबूत और भारत-समर्थक सरकार बनती है, तो सीमा पार से होने वाली तस्करी, जाली नोटों के कारोबार और घुसपैठ जैसी समस्याओं पर लगाम लगाना आसान हो जाता है।

भारत के लिए स्थिर नेपाल जरूरी

भारत की अपने संबंधों के भविष्य के लिहाज से नेपाल के चुनाव पर नजर लगी हुई है। भारत को एक शांतिपूर्ण पड़ोस की आवश्यकता है। अशांति से ग्रस्त पड़ोस भारत की ऊर्जा को सोख लेगा। इसलिए पड़ोस भारत के अपने विकास, क्षेत्रीय और वैश्विक भूमिका, और राजनीतिक और भू-रणनीतिक भूमिका के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है।

नेपाल में बढ़ी चीन की दखल

वहीं, पिछले कुछ वर्षों में नेपाल की राजनीति में चीन की दखलंदाजी तेजी से बढ़ी है। बीजिंग लगातार बुनियादी ढांचे और निवेश के जरिए काठमांडू को लुभाने की कोशिश कर रहा है। नेपाल के चुनावों में अक्सर वामपंथी गठबंधन (जिनका झुकाव कभी-कभी चीन की तरफ होता है) और लोकतांत्रिक ताकतों (जो भारत के करीब माने जाते हैं) के बीच कड़ी टक्कर होती है। नई दिल्ली की नजर इस बात पर है कि चुनाव जीतकर आने वाली नई सरकार का कूटनीतिक झुकाव किस तरफ होगा।

चीन की दखल भारत के लिए चिंता का विषय

बता दें कि नेपाल की खुली सीमा तीन दिशाओं में भारत के पाँच अलग-अलग राज्यों से जुड़ी है। उत्तर में तिब्बत के पठार से सीमा जुड़ने के कारण नेपाल की रणनीतिक भू-राजनीतिक स्थिति और यहाँ बढ़ते दिख रहे चीनी प्रभाव को लेकर पश्चिमी देश भी रुचि दिखाते रहे हैं। साल 2017 में तत्कालीन प्रधानमंत्री पुष्प कमल दहाल की सरकार के दौरान नेपाल चीन की परियोजना बेल्ट एंड रोड इनिशियेटिव (बीआरआई) में शामिल हुआ था। बाद में 2024 के अंत में के पी शर्मा ओली के नेतृत्व में नेपाल ने बीआरआई कार्यान्वयन ढांचे पर हस्ताक्षर किए। चीन के सहयोग से नेपाल में रेलमार्ग निर्माण पर भारत को कोई आपत्ति नहीं होगी। लेकिन यदि नेपाल द्वारा दी गई कोई भी रियायत भारत की सुरक्षा को प्रभावित करती है, तो वहीं हमारी चिंता शुरू होगी।

খেলা

আই এস এল -তাচিকাওয়ার গোলে জামশেদপুরের জয়, ইস্টবেঙ্গলকে ২-১ ব্যবধানে হারালো। ছবি: সঞ্জয় হাজরা।
पुलिस अधीक्षक सुलतानपुर के निर्देशन में आज जनपद के समस्त थानों पर थाना दिवस का आयोजन*
सुलतानपुर,पुलिस अधीक्षक सुलतानपुर के निर्देशन में आज जनपद के समस्त थानों पर थाना दिवस का आयोजन किया गया। थाना दिवस के अवसर पर संबंधित अधिकारियों द्वारा उपस्थित फरियादियों की शिकायतों को गंभीरता पूर्वक सुना गया। प्राप्त प्रार्थना पत्रों के गुणवत्तापूर्ण एवं समयबद्ध निस्तारण हेतु संबंधित अधिकारियों/कर्मचारियों को आवश्यक आदेश–निर्देश दिए गए। इस दौरान राजस्व विभाग के अधिकारी एवं कर्मचारी भी उपस्थित रहे। पुलिस–राजस्व की संयुक्त टीम द्वारा भूमि एवं अन्य राजस्व संबंधी प्रकरणों पर समन्वय स्थापित करते हुए आवश्यक कार्यवाही सुनिश्चित की गई। जनपद पुलिस द्वारा यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि प्रत्येक शिकायत का निष्पक्ष, पारदर्शी एवं त्वरित समाधान हो, जिससे आमजन का विश्वास सुदृढ़ बना रहे।
मिडिल ईस्ट में बड़े युद्ध की शुरुआत: इजराइल-अमेरिका का ईरान पर हमला,तेहरान समेत कई शहरों में धमाके

#middleeastisraelattackoniranexplosionheardin_tehran

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इजरायल और ईरान के बीच जंग शुरू हो गई है। थोड़ी देर पहले इजरायल और अमेरिका ने ईरान पर भीषण बमबारी की है। तेहरान में इस समय तबाही का मंजर नजर आ रहा है। अमेरिका के साथ मिलकर यहूदी देश ने ईरान के राष्ट्रपति भवन, खुफिया एजेंसी और एयरपोर्ट सहित 30 ठिकानों पर ताबड़तोड़ हमला किया है।

राजधानी तेहरान में धमाके

ईरान की राजधानी तेहरान के बीच वाले इलाके में तीन जोरदार धमाकों की आवाज सुनी गई है। ईरानी मीडिया के अनुसार, धमाकों के बाद सुरक्षा बल मौके पर पहुंच गए। फार्स न्यूज एजेंसी के मुताबिक, तेहरान के रिपब्लिक इलाके में कई मिसाइलें गिरी हैं। अभी तक नुकसान या हताहतों की आधिकारिक जानकारी नहीं दी गई है।

इन शहरों में भी विस्फोट

वहीं कई ईरानी समाचार एजेंसियों ने पुष्टि की है कि ईरान के विभिन्न शहरों में विस्फोटों की आवाज़ें सुनी गई हैं। तेहरान के अलावा, करमानशाह, क़ोम, लोरेस्तान, कराज और तबरीज़ उन शहरों में शामिल हैं जहां इन मीडिया आउटलेट्स ने विस्फोटों की पुष्टि की है।

इरायल-अमेरिका जॉइंट ऑपरेशन

बताया जा रहा है कि इज़रायल ने अमेरिका के इशारे पर ही ईरान पर मिसाइलें दागीं हैं और यह हमला दोनों देशों का जॉइंट ऑपरेशन है। पिछले काफी समय से अटकलें लगाई जा रही थीं कि अमेरिका और ईरान में जल्द ही युद्ध शुरू हो सकता है और आज, शनिवार, 28 फरवरी को युद्ध का बिगुल बज गया है।

खामेनेई को सुरक्षित जगह ले जाया गया

हमलो के बीच ईरानी राष्ट्रपति अयातुल्ला अली खामनेई को सुरक्षित ठिकाने पर भेज दिया गया है। एक ईरानी अधिकारी ने रॉयटर्स को बताया कि उन्हें एक 'सुरक्षित स्थान' पर ले जाया गया है।

इजरायल ने ईरान पर क्यों किया हमला?

इजरायली सुरक्षा सूत्रों के मुताबिक ऑपरेशन कई महीनों से प्लान किया जा रहा था और इसका लक्ष्य ईरान की सुरक्षा व्यवस्था को कमजोर करना है। अमेरिकी अधिकारियों ने भी संकेत दिया है कि हमले बड़े दायरे में होंगे और इजरायल के साथ मिलकर कार्रवाई की जा रही है। एक रिपोर्ट में कहा गया कि कम से कम चार दिन तक भारी हमले जारी रह सकते हैं। इराक के आसमान में भी क्रूज मिसाइलें देखी गईं, जिससे साफ है कि हमले कई दिशाओं से किए जा रहे हैं।

घर सुल्तानपुर फाउंडेशन द्वारा महान क्रांतिकारी चंद्रशेखर आज़ाद की पुण्यतिथि के अवसर पर दीप प्रज्वलन एवं श्रद्धांजलि कार्यक्रम का आयोजन*
सुल्तानपुर,आजाद पार्क में घर सुल्तानपुर फाउंडेशन द्वारा महान क्रांतिकारी चंद्रशेखर आज़ाद की पुण्यतिथि के अवसर पर दीप प्रज्वलन एवं श्रद्धांजलि कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में घर सुल्तानपुर फाउंडेशन के सदस्यों एवं युवाओं ने आज़ाद पार्क स्थित मूर्ति पर पुष्प अर्पित कर भावभीनी श्रद्धांजलि दी। पवन तिवारी ने कहा कि चंद्रशेखर आज़ाद साहस, बलिदान और राष्ट्रप्रेम के प्रतीक हैं। समरेंद्र सिंह ने कहा उनका जीवन आज के युवाओं को अन्याय के विरुद्ध खड़े होने और देशहित को सर्वोपरि रखने की प्रेरणा देता है। घर सुल्तानपुर फाउंडेशन ने युवाओं से उनके विचारों को अपने जीवन में अपनाने का आह्वान किया। कार्यक्रम के अंत में दो मिनट का मौन रखकर अमर शहीद को नमन किया गया और देशभक्ति नारों के साथ आयोजन संपन्न हुआ। सभा में नितिन मिश्रा, पवन तिवारी , हैप्पी, सचिन सिंह, राघवेंद्र सिंह, जिगर सिंह , मधुरम पाठक सिद्धार्थ सिंह, प्रीतेश गुप्ता , अभिषेक तिवारी , शरद शुक्ल मौजूद रहे घर सुल्तानपुर फाउंडेशन
झारखंड निकाय चुनाव 2026: स्थानीय मुद्दों और व्यक्तिगत छवि का बोलबाला, निर्दलियों ने बिखेरा जलवा

झारखंड में 48 शहरी स्थानीय निकायों के चुनाव परिणामों ने एक दिलचस्प तस्वीर पेश की है। दलीय चिन्हों के बिना हुए इस चुनाव में छोटे शहरों के मतदाताओं ने स्थानीय मुद्दों और उम्मीदवारों की व्यक्तिगत छवि को तरजीह दी है। निर्दलीय प्रत्याशियों ने प्रमुख राजनीतिक दलों (भाजपा और झामुमो) को कड़ी टक्कर देते हुए शानदार प्रदर्शन किया है।

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प्रमुख चुनावी आंकड़े

निर्दलीयों का कब्जा: 39 नगर परिषद और पंचायतों में से 17 पर निर्दलीय उम्मीदवारों ने अध्यक्ष पद पर जीत हासिल की है।

भाजपा का प्रदर्शन: भाजपा समर्थित 11 उम्मीदवारों ने जीत दर्ज की है।

झामुमो का प्रदर्शन: झामुमो समर्थित 9 उम्मीदवार जीतने में सफल रहे हैं।

अन्य दल: कांग्रेस समर्थित 2 और माले समर्थित 1 प्रत्याशी ने जीत हासिल की है।

गठबंधन का हाल: NDA और INDIA गठबंधन के घटक दल (जैसे आजसू, राजद) किसी भी अध्यक्ष पद को जीतने में सफल नहीं हुए हैं।

विजयी उम्मीदवारों की सूची (अध्यक्ष/मेयर)

1. निर्दलीय और अन्य समर्थित अध्यक्ष

निकाय का नाम विजेता का नाम

हुसैनाबाद नगर पंचायत अजय भारती

हरिहरगंज नगर पंचायत कुमारी शीला चौधरी

छत्तरपुर नगर पंचायत अरविंद गुप्ता

श्री बंशीधरनगर नगर पंचायत साधना देवी

मझिआंव नगर पंचायत सुमित्रा देवी

लातेहार नगर पंचायत महेश सिंह

कोडरमा नगर पंचायत साजिद हुसैन लल्लू

बासुकीनाथ नगर पंचायत वीणा देवी

जामताड़ा नगर पंचायत आशा गुप्ता

गढ़वा नगर परिषद आशीष सोनी उर्फ दौलत सोनी

विश्रामपुर नगर परिषद गीता देवी

चतरा नगर परिषद अताउर रहमान

झुमरीतिलैया नगर परिषद रमेश हर्षधर

गोड्डा नगर परिषद सुशील रमानी

पाकुड़ नगर परिषद शबरी पाल

चिरकुंडा नगर परिषद सुनीता देवी

कपाली नगर परिषद परवेज आलम

सिमडेगा नगर परिषद ओलिवर लकड़ा

2. भाजपा समर्थित अध्यक्ष

निकाय का नाम विजेता का नाम

डोमचांच नगर पंचायत उमेश वर्मा

बड़कीसरैया नगर पंचायत शोभा देवी

लातेहार नगर पंचायत महेश सिंह

राजमहल नगर पंचायत केताबुद्दीन

महागामा नगर पंचायत प्रबोध सोरेन

बरहरवा नगर पंचायत अर्पिता दास

खूंटी नगर पंचायत रानी टूटी

मिहिजाम नगर परिषद जयश्री देवी

मधुपुर नगर परिषद मिती कुमारी

लोहरदगा नगर परिषद अनिल उरांव

गुमला नगर परिषद शकुंतला उरांव

3. झामुमो (JMM) समर्थित अध्यक्ष

निकाय का नाम विजेता का नाम

बुंडू नगर पंचायत जीतेंद्र उरांव

राजमहल नगर पंचायत केताबुद्दीन

सरायकेला नगर पंचायत मनोज कुमार चौधरी

चाकुलिया नगर पंचायत सोमवारी सोरेन

साहिबगंज नगर परिषद रामनाथ पासवान

दुमका नगर परिषद अभिषेक चौरसिया

चकधरपुर नगर परिषद शनि उरांव

चाईबासा नगर परिषद नितिन प्रकाश

जुगसलाई नगर परिषद नौशान खान

4. कांग्रेस और माले समर्थित अध्यक्ष

निकाय का नाम विजेता का नाम

फुसरो नगर परिषद निर्मला देवी (कांग्रेस)

रामगढ़ नगर परिषद कुसुमलता कुमारी (कांग्रेस)

धनवार नगर पंचायत विनय कुमार संथालिया (माले)

বসিরহাটে কেন্দ্রীয় আধা সামরিক বাহিনী
বসিরহাট:নির্ধারিত সময়ের আগেই বসিরহাটে বিধানসভা নির্বাচনকে ঘিরে সম্ভাব্য যে কোনো ধরনের বিশৃঙ্খলা রুখতে মোতায়েন করা হলো তিন কোম্পানি কেন্দ্রীয় আধা সামরিক বাহিনী। শনিবার সকাল থেকেই বসিরহাট শহরের একাধিক গুরুত্বপূর্ণ এলাকায় শুরু হয় বাহিনীর টহল ও রুট মার্চ। শহরের ত্রিমোহিনী চত্বর থেকে কেন্দ্রীয় বাহিনীর রুট মার্চ শুরু হয়। এই রুট মার্চের নেতৃত্ব দেন বসিরহাট পুলিশ জেলার ডিএসপি হেডকোয়ার্টার দীপাঞ্জন চট্টোপাধ্যায়। তার সঙ্গে ছিলেন বসিরহাট থানার আইসি রক্তিম চট্টোপাধ্যায় সহ স্থানীয় পুলিশের আধিকারিকরা। রুট মার্চে শহরের একাধিক জনবহুল ও সংবেদনশীল এলাকা ঘুরে দেখা হয়।
বসিরহাট পুলিশ জেলার পুলিশ সুপার আরিশ বিলাল জানিয়েছেন, এখনো পর্যন্ত জেলায় মোট তিন কোম্পানি কেন্দ্রীয় আধা সামরিক বাহিনী মোতায়েন করা হয়েছে। প্রতি কোম্পানিতে প্রায় ৬০ জন করে জওয়ান রয়েছেন। নির্বাচনকে সামনে রেখে নিরাপত্তা ব্যবস্থাকে আরও জোরদার করতেই এই আগাম মোতায়েন বলে জানিয়েছেন তিনি।
পুলিশ সূত্রে খবর, ন‍্যাজাট, বসিরহাট, স্বরূপনগর ও হাসনাবাদ, এই চারটি থানা এলাকায় কেন্দ্রীয় বাহিনীকে কৌশলগত ভাবে মোতায়েন করা হয়েছে। স্থানীয় পুলিশের সঙ্গে সমন্বয় রেখে তারা টহল, রুট মার্চ ও নজরদারির কাজ চালাবে। নির্বাচনের আগে শান্তিপূর্ণ পরিবেশ বজায় রাখা, সাধারণ মানুষের নিরাপত্তা নিশ্চিত করা এবং কোনো রকম অপ্রীতিকর ঘটনা এড়াতেই এই পদক্ষেপ বলে প্রশাসনের তরফে জানানো হয়েছে।
होली के मद्देनजर यूपी पुलिसकर्मियों की छुट्टी रद्द

लखनऊ। होली पर्व को ध्यान में रखते हुए उत्तर प्रदेश पुलिस महानिदेशक राजीव कृष्ण ने सभी पुलिसकर्मियों की छुट्टी रद्द कर दी हैं। इस संबंध में सभी अधिकारियों को आदेश जारी कर दिए गए हैं। डीजीपी के आदेश के मुताबिक, होली के त्योहार को देखते हुए 1 मार्च से सात मार्च तक के लिए सभी पुलिसकर्मियों की छुट्टियां रद्द हो गई हैं। होली में किसी भी तरह की अप्रिय घटना को रोकने के लिए यह निर्णय लिया गया है। होली को लेकर उत्तर प्रदेश के तमाम जिलों में खासतौर पर सतर्कता बरती जा रही है। ऐसे में पुलिस की पूर्ण उपलब्धता को सुनिश्चित करने के मकसद से यह कदम उठाया गया है। उत्तर प्रदेश के सभी डीजी, एडीजी, आईजी और डीआईजी के साथ एसएसपी को ये निर्देश दिए गए हैं। डीजीपी ने पुलिसकर्मियों को सोशल मीडिया के सभी प्लेटफार्म की भी सतर्क निगरानी करने को कहा हैं । भ्रामक खबरों पर नजर रखने के निर्देश दिए। यदि कहीं कोई अफवाह फैलाने की कोशिश करता है तो उस पर तुरंत कार्रवाई की जाए। होलिका दहन वाले स्थानों पर पहले से ही सुरक्षा का इंतजाम हो। जिन स्थानों पर पहले कोई विवाद हुआ हो वहां अतिरिक्त बल तैनात किया जाएगा।
दुबई में दबोचा गया शाइन सिटी का भगोड़ा राशिद नसीम, भारत लाने की तैयारी तेज
लखनऊ/दुबई। निवेश के नाम पर उत्तर प्रदेश समेत कई राज्यों में सैकड़ों करोड़ रुपये की ठगी कर फरार हुए शाइन सिटी ग्रुप के प्रमोटर राशिद नसीम को प्रवर्तन निदेशालय (ED) के अनुरोध पर दुबई में गिरफ्तार कर लिया गया है। अब उसे प्रत्यर्पण की प्रक्रिया के तहत जल्द भारत लाने की तैयारी की जा रही है।
बताया जा रहा है कि 2019 में देश छोड़कर दुबई भागे राशिद नसीम के खिलाफ ईडी और आर्थिक अपराध शाखा (EOW) ने कार्रवाई तेज करते हुए यूएई प्रशासन से प्रत्यर्पण का अनुरोध किया था। इसी के आधार पर दुबई पुलिस ने उसे हिरासत में लिया।
लखनऊ की विशेष PMLA अदालत ने अप्रैल 2025 में राशिद नसीम को भगोड़ा घोषित किया था। उसके खिलाफ मनी लॉन्ड्रिंग और निवेशकों से धोखाधड़ी के गंभीर आरोप हैं। वह शाइन सिटी ग्रुप के जरिए प्लॉट और निवेश योजनाओं के नाम पर लोगों से धन जुटाकर फरार हो गया था।
जांच एजेंसियों के अनुसार, राशिद नसीम और उसके सहयोगियों ने उत्तर प्रदेश सहित कई राज्यों में निवेशकों से सैकड़ों करोड़ रुपये एकत्र किए। मामले के खुलासे के बाद उसकी प्रयागराज, लखनऊ समेत कई जिलों में स्थित अवैध संपत्तियों को पहले ही जब्त किया जा चुका है। प्रशासन ने उस पर 50,000 रुपये का इनाम भी घोषित किया था।
अब ईडी और ईओडब्ल्यू की संयुक्त कार्रवाई के बाद उसकी गिरफ्तारी को बड़ी सफलता माना जा रहा है। कानूनी प्रक्रिया पूरी होते ही उसे यूएई से भारत लाया जाएगा, जहां उससे व्यापक पूछताछ की जाएगी और आगे की न्यायिक कार्रवाई की जाएगी। गौरतलब हो कि रशीद के खिलाफ सैकड़ों एफआईआर दर्ज हैं।
AI समिट शर्टलेस प्रोटेस्ट केस में कांग्रेस यूथ प्रेसिडेंट उदय भानु चिब को बड़ी राहत, कोर्ट ने दी जमानत

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एआई इम्पैक्ट समिट में के दौरान भारत मंडपम में हुए 'शर्टलेस' विरोध प्रदर्शन मामले में इंडिया यूथ कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष उदय भानु चिब को बड़ी राहत मिली है। दिल्ली के पटियाला हाउस कोर्ट के ड्यूटी मजिस्ट्रेट ने उदय को आज सुबह जमानत दे दी है।

रिमांड बढ़ाने की अर्जी खारिज

देर रात सुनवाई के बाद कोर्ट ने पुलिस की 7 दिन की रिमांड बढ़ाने की अर्जी खारिज कर दी, क्योंकि उदय के खिलाफ ठोस सबूत नहीं मिले। उदय को पटियाला हाउस कोर्ट के ड्यूटी मजिस्ट्रेट से जमानत तो मिल गई है, लेकिन इसके लिए उदय को कुछ शर्तें माननी पड़ेंगी। जमानत शर्तों में 50 हजार रुपये के पर्सनल बॉन्ड का भुगतान ज़रूरी है। इसके साथ ही उदय को कोर्ट में अपने पासपोर्ट और इलेक्ट्रॉनिक डिवासेज़ भी सरेंडर करने होंगे।

रिमांड बढ़ाने की मांग

इससे पहले चिब के वकील एडवोकेट सुलेमान मोहम्मद खान ने बताया कि 'दिल्ली पुलिस क्राइम ब्रांच ने उदय भानु की पुलिस कस्टडी बढ़ाने के लिए एक एप्लीकेशन दी है। उन्होंने रिमांड को 7 दिन बढ़ाने की मांग की है, और एक आरोपी की पांच दिन और दूसरे की दो दिन की रिमांड के लिए दो एप्लीकेशन भी दी हैं।

क्या है मामला?

दिल्ली पुलिस ने एआई इम्पैक्ट समिट में भारतीय युवा कांग्रेस के सदस्यों के एक गुट की ओर से कमीज उतारकर किए गए विरोध प्रदर्शन के संबंध में संगठन के अध्यक्ष उदय भानु चिब को ‘मुख्य साजिशकर्ता’ करार देते हुए गिरफ्तार किया था। एआई इम्पैक्ट समिट के दौरान 20 फरवरी को यूथ कांग्रेस ने 'शर्टलेस' विरोध प्रदर्शन किया था। पुलिस ने उदय के साथ कृष्ण हरि, कुन्दन यादव, नरसिम्हा यादव, अजय कुमार यादव और कुछ अन्य यूथ कांग्रेस सदस्यों को गिरफ्तार किया था और उदय को मुख्य साजिशकर्ता बताया था।

नेपाल में 5 मार्च को चुनाव, भारत के लिए क्यों है अहम?

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भारत से सटे देश नेपाल में 5 मार्च को राष्ट्रीय चुनाव होने जा रहा है। यह चुनाव युवाओं के नेतृत्व में हुए प्रदर्शनों के छह महीने बाद हो रहा है, जिन्होंने मार्क्सवादी नेता केपी शर्मा ओली के प्रशासन को गिरा दिया था। इस प्रदर्शन के दौरान दर्जनों लोग मारे गए थे और सैकड़ों घायल हुए थे क्योंकि प्रदर्शनकारियों ने सरकारी इमारतों पर हमला किया था और पुलिस ने गोलीबारी की थी।

तय होगी भारत-नेपाल संबंध की दिशा

इस बार के चुनाव में मुख्य मुकाबला केपी शर्मा ओली और काठमांडू के पूर्व मेयर और राष्ट्रीय स्वतंत्रता पार्टी के युवा चेहरे बालेंद्र शाह के बीच है। पड़ोसी देश होने के नाते इस चुनाव के परिणाम का सीधा असर भारत पर भी पड़ेगा। काठमांडू की सत्ता में कौन बैठेगा, यह तय करेगा कि आने वाले समय में भारत-नेपाल संबंध किस दिशा में आगे बढ़ेंगे।

लिखित इतिहास से भी पुराना भारत-नेपाल संबंध

भारत के लिए नेपाल केवल एक पड़ोसी नहीं है, बल्कि दोनों देशों के बीच 'रोटी-बेटी' का पुराना नाता है। दोनों देशों के बीच का संबंध लिखित इतिहास से भी पुराना बताया जाता है, जिसकी छवि आज भी खुली सीमाओं में नजर आती है। इसलिए नेपाल से जुड़ा हर अहम विषय भारत को बहुत ही गहराई से प्रभावित करता है।

1,850 किमी लंबी खुली सीमा की चिंता

भारत और नेपाल के बीच 1,850 किलोमीटर से अधिक लंबी खुली सीमा है। नेपाल में राजनीतिक स्थिरता भारत की राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए बेहद अहम है। अगर नेपाल में एक मजबूत और भारत-समर्थक सरकार बनती है, तो सीमा पार से होने वाली तस्करी, जाली नोटों के कारोबार और घुसपैठ जैसी समस्याओं पर लगाम लगाना आसान हो जाता है।

भारत के लिए स्थिर नेपाल जरूरी

भारत की अपने संबंधों के भविष्य के लिहाज से नेपाल के चुनाव पर नजर लगी हुई है। भारत को एक शांतिपूर्ण पड़ोस की आवश्यकता है। अशांति से ग्रस्त पड़ोस भारत की ऊर्जा को सोख लेगा। इसलिए पड़ोस भारत के अपने विकास, क्षेत्रीय और वैश्विक भूमिका, और राजनीतिक और भू-रणनीतिक भूमिका के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण है।

नेपाल में बढ़ी चीन की दखल

वहीं, पिछले कुछ वर्षों में नेपाल की राजनीति में चीन की दखलंदाजी तेजी से बढ़ी है। बीजिंग लगातार बुनियादी ढांचे और निवेश के जरिए काठमांडू को लुभाने की कोशिश कर रहा है। नेपाल के चुनावों में अक्सर वामपंथी गठबंधन (जिनका झुकाव कभी-कभी चीन की तरफ होता है) और लोकतांत्रिक ताकतों (जो भारत के करीब माने जाते हैं) के बीच कड़ी टक्कर होती है। नई दिल्ली की नजर इस बात पर है कि चुनाव जीतकर आने वाली नई सरकार का कूटनीतिक झुकाव किस तरफ होगा।

चीन की दखल भारत के लिए चिंता का विषय

बता दें कि नेपाल की खुली सीमा तीन दिशाओं में भारत के पाँच अलग-अलग राज्यों से जुड़ी है। उत्तर में तिब्बत के पठार से सीमा जुड़ने के कारण नेपाल की रणनीतिक भू-राजनीतिक स्थिति और यहाँ बढ़ते दिख रहे चीनी प्रभाव को लेकर पश्चिमी देश भी रुचि दिखाते रहे हैं। साल 2017 में तत्कालीन प्रधानमंत्री पुष्प कमल दहाल की सरकार के दौरान नेपाल चीन की परियोजना बेल्ट एंड रोड इनिशियेटिव (बीआरआई) में शामिल हुआ था। बाद में 2024 के अंत में के पी शर्मा ओली के नेतृत्व में नेपाल ने बीआरआई कार्यान्वयन ढांचे पर हस्ताक्षर किए। चीन के सहयोग से नेपाल में रेलमार्ग निर्माण पर भारत को कोई आपत्ति नहीं होगी। लेकिन यदि नेपाल द्वारा दी गई कोई भी रियायत भारत की सुरक्षा को प्रभावित करती है, तो वहीं हमारी चिंता शुरू होगी।

খেলা

আই এস এল -তাচিকাওয়ার গোলে জামশেদপুরের জয়, ইস্টবেঙ্গলকে ২-১ ব্যবধানে হারালো। ছবি: সঞ্জয় হাজরা।