चकवा महावीर मंदिर का 34.82 लाख से सौंदर्यीकरण: पर्यटन विभाग ने 70 काम पूरा किया, जल्द नए स्वरूप में दिखेगा

नितेश श्रीवास्तव

भदोही।औराई तहसील के प्राचीन चकवा महावीर मंदिर का 34.82 लाख रुपये की लागत से सौंदर्यीकरण कराया जा रहा है। पर्यटन विभाग इस परियोजना पर काम कर रहा है और लगभग 70 प्रतिशत कार्य पूरा हो चुका है। जल्द ही यह प्राचीन मंदिर नए स्वरूप में श्रद्धालुओं के लिए उपलब्ध होगा।

सौंदर्यीकरण के तहत मंदिर परिसर में स्थित तालाब के किनारे बलुआ मिट्टी से बाउंड्री बनाई जा रही है। इसके अतिरिक्त, लाइटिंग की व्यवस्था की जा रही है और एक धर्मशाला का निर्माण भी किया जा रहा है। इन कार्यों का उद्देश्य श्रद्धालुओं को ठहरने और धार्मिक अनुष्ठान करने में सुविधा प्रदान करना है।

चकवा स्थित यह पांडवकालीन हनुमान मंदिर अत्यंत प्राचीन माना जाता है और इसकी मान्यता महाभारत काल से जुड़ी है। मंदिर के प्रति लोगों की गहरी आस्था है, जिसके कारण प्रतिदिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु यहां दर्शन के लिए आते हैं। विशेषकर शनिवार और मंगलवार को हजारों की भीड़ उमड़ती है और मंदिर परिसर में मेला भी लगता है।

पर्यटन अधिकारी ब्रजेश कुमार ने बताया कि मंदिर परिसर के जीर्णोद्धार के लिए 34.82 लाख रुपये स्वीकृत किए गए थे। उन्होंने पुष्टि की कि निर्माण कार्य में गुणवत्ता का पूरा ध्यान रखा जा रहा है और शेष कार्य भी शीघ्र ही पूरा कर लिया जाएगा।
बच्चों से संवाद कर शिक्षा की गुणवत्ता एवं विद्यालयीय व्यवस्थाओं का लिया जायजा*
*विद्यार्थियों को समय-सारिणी बनाकर पढ़ाई, खेलकूद एवं अन्य गतिविधियों के लिए प्रेरित किया; विद्यालयों में व्यवस्थाओं को और बेहतर बनाने के दिए निर्देश*


नितेश श्रीवास्तव

भदोही। जिलाधिकारी शैलेष कुमार ने बृहस्पतिवार को विकासखंड ज्ञानपुर के राजकीय हाई स्कूल सरई मिश्रानी एवं कंपोजिट विद्यालय सरई मिश्रानी का आकस्मिक निरीक्षण कर विद्यालयों में शैक्षिक एवं अन्य व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने कक्षाओं में जाकर विद्यार्थियों से संवाद किया तथा उनकी पढ़ाई, दिनचर्या एवं विद्यालय से संबंधित विषयों की जानकारी ली।

राजकीय हाई स्कूल सरई मिश्रानी में जिलाधिकारी ने विद्यार्थियों से आत्मीय संवाद करते हुए पूछा कि वे भविष्य में क्या बनना चाहते हैं। उन्होंने बच्चों की प्रतिभा एवं रुचि को प्रोत्साहित करते हुए कहा कि आप सभी में अच्छा टैलेंट है, मन लगाकर पढ़ाई करें और निरंतर आगे बढ़ें। उन्होंने विद्यार्थियों से घर पर रहने के दौरान उनकी दिनचर्या के बारे में भी जानकारी ली तथा पढ़ाई, खेलकूद एवं अन्य गतिविधियों के लिए नियमित समय-सारिणी बनाकर उसके अनुसार कार्य करने की सलाह दी। बच्चों द्वारा विद्यालय में किसी प्रकार की समस्या न होने की जानकारी दी गई।

जिलाधिकारी ने उपस्थित शिक्षकों को निर्देशित किया कि विद्यार्थियों को और बेहतर एवं स्मार्ट शिक्षण तकनीकों के माध्यम से पढ़ाया जाए, जिससे उनकी समझ एवं सीखने की क्षमता को और विकसित किया जा सके। उन्होंने सभी कक्षा-कक्षों में टाइम-टेबल प्रदर्शित करना सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए।

निरीक्षण के दौरान राजकीय हाई स्कूल के कुछ कक्षों में पानी के रिसाव की समस्या सामने आने पर जिलाधिकारी ने जिला विद्यालय निरीक्षक को निर्देशित किया कि मरम्मत कार्य का एस्टीमेट तैयार कर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित कराई जाए, ताकि विद्यार्थियों को सुरक्षित एवं बेहतर शैक्षिक वातावरण उपलब्ध हो सके।

इसके पश्चात जिलाधिकारी ने कंपोजिट विद्यालय सरई मिश्रानी का निरीक्षण किया। विद्यालय में सभी शिक्षक उपस्थित पाए गए तथा शैक्षणिक कार्य एवं विद्यालयीय व्यवस्थाएं सुचारू रूप से संचालित मिलीं। प्रधानाध्यापक द्वारा अवगत कराया गया कि बरसात के दौरान एक अतिरिक्त कक्ष में पानी का रिसाव हो रहा है। जिलाधिकारी ने इस पर जिला पंचायत राज अधिकारी एवं जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी को आवश्यक मरम्मत कार्य कराए जाने हेतु निर्देशित किया।

जिलाधिकारी ने कहा कि विद्यालयों में बेहतर शैक्षिक वातावरण, विद्यार्थियों की प्रतिभा का विकास तथा मूलभूत सुविधाओं की उपलब्धता जिला प्रशासन की प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने शिक्षकों से विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने के साथ-साथ उनके सर्वांगीण विकास पर विशेष ध्यान देने का आह्वान किया। इस अवसर पर जिला विद्यालय निरीक्षक अंशुमान जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी शिवम पांडेय एवं संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे
फर्जी स्वतंत्रता सेनानी सर्टिफिकेट मामले में गिरफ्तार:बहराइच से पकड़ा गया, MBBS दाखिले में शामिल होने का आरोप

नितेश श्रीवास्तव

भदोही। भदोही पुलिस ने फर्जी स्वतंत्रता संग्राम सेनानी सर्टिफिकेट बनवाकर मेडिकल कॉलेज में दाखिला दिलाने वाले अंतर्राज्यीय ठग गिरोह के एक वांछित अभियुक्त दिनेश कुमार वर्मा को बहराइच से गिरफ्तार किया है। यह गिरफ्तारी स्वाट टीम द्वारा सूचना और इलेक्ट्रॉनिक सर्विलांस के आधार पर की गई।

यह मामला 20 सितंबर 2025 को थाना ज्ञानपुर में शाहिद अली पुत्र दानिश खां निवासी गोरी खमरिया, औराई, भदोही की शिकायत के बाद सामने आया था। शिकायतकर्ता ने बताया था कि राजकीय/स्वशासी राज्य चिकित्सा महाविद्यालय में स्वतंत्रता संग्राम सेनानी के आश्रित/उपआश्रित श्रेणी के अभ्यर्थियों द्वारा प्रस्तुत प्रमाण पत्र संदिग्ध और कूटरचित प्रतीत होते हैं।

इस संबंध में थाना ज्ञानपुर में सुसंगत धाराओं में अभियोग पंजीकृत किया गया था। जांच के दौरान, अंतर्राज्यीय ठग गिरोह के सदस्य शुभम सिंह (उम्र 27 वर्ष) पुत्र रविंद्रप्रताप सिंह निवासी जिगना पूर्वकोर्ट, मिर्जापुर को पहले ही गिरफ्तार कर जेल भेजा जा चुका है।

उपनिरीक्षक रमेश कुमार की विवेचनात्मक कार्यवाही में फर्जी सर्टिफिकेट प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों के परिजनों से पूछताछ के क्रम में गिरोह के सरगना संजय दुबे (उम्र 48 वर्ष) पुत्र शिवदत्त दुबे निवासी जासा, विंध्याचल, मिर्जापुर का नाम भी सामने आया था, जिसे गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था।

पुलिस अधीक्षक भदोही अभिनव त्यागी के निर्देशन और अपर पुलिस अधीक्षक शुभम अग्रवाल के पर्यवेक्षण में चलाए जा रहे अभियान के तहत बुधवार को स्वाट टीम ने दिनेश कुमार वर्मा (उम्र 42 वर्ष) पुत्र मुन्नू राम वर्मा निवासी नौतला, रामगांव, बहराइच को गिरफ्तार किया। दिनेश कुमार वर्मा, ज्ञानपुर थाने में दर्ज मु0अ0स0 223/25 से संबंधित मामले में वांछित था। उसे जनपद बहराइच के नंदा इंस्टीट्यूट गेस्टहाउस, ग्राम सोहरवा से पकड़ा गया।

गिरफ्तार अभियुक्त के पास से एक डेल कंपनी का लैपटॉप और तीन मोबाइल फोन (आईटेल, वीवो, मोटोरोला) बरामद किए गए हैं।




*गिरफ्तारी करने वाली टीम:-*
उ0नि0 राजकुमार पाण्डेय प्रभारी स्वाट/सर्विलांस सेल, हे0कां0 बृजेश सिंह , का0 दीपक कुमार यादव, का0 सुनील पाल,का0 हिमांशु सिंह सर्विलांस/स्वाट टीम।
वृहद रोजगार मेले में 1260 अभ्यर्थियों को मिला ऑफर लेटर, निर्माण श्रमिकों को ₹6.49 करोड़ से अधिक के हितलाभ वितरित


नितेश श्रीवास्तव

भदोही। जिला सेवायोजन कार्यालय एवं श्रम विभाग, भदोही के संयुक्त तत्वावधान में चित्रांश पैलेस, चीनी मिल गेट के निकट, जीटी रोड, औराई में वृहद रोजगार मेला एवं निर्माण श्रमिक हितलाभ वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि कैबिनेट मंत्री, श्रम एवं सेवायोजन तथा समन्वय विभाग, उत्तर प्रदेश सरकार श्री अनिल राजभर ने फीता काटकर एवं दीप प्रज्वलित कर किया।

इस अवसर पर मंत्री अनिल राजभर ने कहा कि प्रदेश सरकार युवाओं को रोजगार के अधिक से अधिक अवसर उपलब्ध कराने तथा श्रमिकों के सामाजिक एवं आर्थिक हितों की रक्षा के लिए निरंतर कार्य कर रही है। रोजगार मेलों के माध्यम से युवाओं को उनकी योग्यता के अनुरूप रोजगार उपलब्ध कराने के साथ-साथ निर्माण श्रमिकों एवं उनके परिवारों को विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का लाभ दिलाया जा रहा है। उन्होंने युवाओं से रोजगार के उपलब्ध अवसरों का लाभ उठाने तथा निर्माण श्रमिकों से शासन की योजनाओं में पंजीकरण कराकर पात्रतानुसार लाभ प्राप्त करने का आह्वान किया।

वृहद रोजगार मेले में 42 से अधिक कंपनियों ने प्रतिभाग किया तथा विभिन्न पदों पर 1000 से अधिक रिक्तियां उपलब्ध कराई गईं। रोजगार की तलाश में पहुंचे लगभग 5000 अभ्यर्थियों ने प्रतिभाग किया। चयन प्रक्रिया के उपरांत 1260 अभ्यर्थियों को मौके पर ऑफर लेटर प्रदान किए गए। ऑफर लेटर प्राप्त करने वाले युवाओं में उत्साह एवं खुशी का माहौल रहा।

कार्यक्रम के दौरान उत्तर प्रदेश भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड द्वारा संचालित विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं का व्यापक प्रचार-प्रसार किया गया। निर्माण श्रमिकों के पंजीकरण एवं पात्र श्रमिकों को योजनाओं का लाभ दिलाने के लिए पंजीकरण शिविर भी लगाया गया। इस अवसर पर मिर्जापुर मंडल के निर्माण श्रमिकों एवं मृतक श्रमिकों के आश्रितों को विभिन्न योजनाओं के अंतर्गत ₹6,49,64,729/- की धनराशि के हितलाभ वितरित किए गए।

जिला पंचायत अध्यक्ष अनिरुद्ध त्रिपाठी ने कहा कि रोजगार मेला युवाओं को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल है। ऐसे आयोजनों से युवाओं को एक ही मंच पर विभिन्न कंपनियों से जुड़ने और अपनी योग्यता के अनुरूप रोजगार प्राप्त करने का अवसर मिलता है।

विधायक औराई दीनानाथ भास्कर ने कहा कि सरकार की प्राथमिकता युवाओं को रोजगार से जोड़ना तथा श्रमिकों के कल्याण के लिए संचालित योजनाओं का लाभ पात्र लाभार्थियों तक पहुंचाना है। उन्होंने रोजगार मेले में चयनित अभ्यर्थियों को शुभकामनाएं दीं।

विधायक ज्ञानपुर विपुल दुबे ने कहा कि रोजगार मेले के माध्यम से बड़ी संख्या में युवाओं को रोजगार के अवसर मिलना सराहनीय है। उन्होंने युवाओं से कौशल विकास तथा उपलब्ध रोजगार अवसरों का अधिक से अधिक लाभ उठाने का आह्वान किया।

भाजपा जिलाध्यक्ष  दीपक मिश्रा ने कहा कि सरकार द्वारा युवाओं और श्रमिकों के हित में निरंतर प्रभावी कदम उठाए जा रहे हैं। रोजगार मेले एवं श्रमिक हितलाभ वितरण कार्यक्रम से एक ओर युवाओं को रोजगार के अवसर मिले हैं, वहीं दूसरी ओर निर्माण श्रमिकों एवं उनके आश्रितों को आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई गई है।

युवाओं को रोजगार और श्रमिकों को योजनाओं का लाभ दिलाना प्राथमिकता : जिलाधिकारी

जिलाधिकारी शैलेश कुमार ने कार्यक्रम में उपस्थित सभी जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों, कंपनियों, अभ्यर्थियों एवं श्रमिकों के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि युवाओं को रोजगार के अधिक से अधिक अवसर उपलब्ध कराना तथा निर्माण श्रमिकों एवं उनके आश्रितों को शासन की कल्याणकारी योजनाओं का लाभ दिलाना जिला प्रशासन की प्राथमिकताओं में शामिल है। उन्होंने कहा कि मंत्री  द्वारा दिए गए निर्देशों एवं सुझावों को गंभीरता से लेते हुए उन पर प्रभावी ढंग से अमल सुनिश्चित किया जाएगा।

जिलाधिकारी ने रोजगार मेले के सफल आयोजन के लिए जिला सेवायोजन कार्यालय, श्रम विभाग, प्रतिभागी कंपनियों, जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों तथा कार्यक्रम में प्रतिभाग करने वाले सभी अभ्यर्थियों एवं श्रमिकों का धन्यवाद ज्ञापित किया।

कार्यक्रम में सांसद प्रतिनिधि संजय कुमार बिंद, मुख्य विकास अधिकारी बाल गोविंद शुक्लासहित श्रम एवं सेवायोजन विभाग जिला सेवायोजन अधिकारी अजीत कुमार उपनिदेशक सेवायोजन अशोक कुमार प्रजापति एवं संबंधित विभागों केअधिकारी, विभिन्न कंपनियों के प्रतिनिधि, अभ्यर्थी एवं बड़ी संख्या में निर्माण श्रमिक उपस्थित रहे।
गोल्डन जुबली संस्करण): एशिया के सबसे बड़े कालीन मेले की तैयारियां तेज*

रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। कालीन निर्यात संवर्धन परिषद (CEPC) द्वारा वस्त्र मंत्रालय, भारत सरकार के सहयोग से कारपेट एक्सपो मार्ट, कारपेट सिटी, भदोही में 50वें इंडिया कारपेट एक्सपो–2026 का आयोजन 04 से 07 अक्टूबर 2026 तक किया जा रहा है। यह आयोजन भारतीय हस्तनिर्मित कालीन एवं फ्लोर कवरिंग की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत, उत्कृष्ट बुनाई कौशल और आधुनिक डिजाइन को वैश्विक बाजार तक पहुंचाने का महत्वपूर्ण मंच है।
इंडिया कारपेट एक्सपो अंतरराष्ट्रीय कालीन खरीदारों, एजेंटों, आर्किटेक्ट्स, डिजाइनरों तथा भारतीय कालीन निर्माताओं और निर्यातकों को एक ही मंच पर लाकर व्यापारिक संपर्क एवं दीर्घकालीन व्यावसायिक संबंध स्थापित करने का अवसर प्रदान करता है। इस वर्ष आयोजित होने वाला एक्सपो विशेष रूप से महत्वपूर्ण है, क्योंकि यह इंडिया कारपेट एक्सपो का 50वां और गोल्डन जुबली संस्करण है।
56 देशों से 400 विदेशी खरीदारों के आने की संभावना
50वें इंडिया कारपेट एक्सपो में लगभग 56 देशों से 400 विदेशी खरीदारों तथा करीब 350 खरीदार प्रतिनिधियों के भाग लेने की संभावना है। बड़ी संख्या में अंतरराष्ट्रीय खरीदारों की भागीदारी से देश के विशेष रूप से छोटे एवं मध्यम निर्यातकों को अपने उत्पादों को वैश्विक बाजार में प्रदर्शित करने, नए बाजार तलाशने तथा व्यापारिक अवसर बढ़ाने का अवसर मिलेगा। इससे कालीन उद्योग से जुड़े लाखों कारीगरों और बुनकरों के लिए रोजगार एवं आजीविका के अवसरों को भी मजबूती मिलेगी।
गोल्डन जुबली संस्करण में हाथ से बने कालीन एवं फ्लोर कवरिंग के प्रमुख भारतीय निर्माता और निर्यातक एक साथ आएंगे। अंतरराष्ट्रीय खरीदारों को भारत के प्रमुख कालीन निर्माण क्लस्टरों से उत्पादों की सोर्सिंग करने तथा नवीनतम कलेक्शन, डिजाइन, रंग संयोजन, कारीगरी और उत्पाद नवाचार को करीब से देखने का अवसर मिलेगा।
BRICS देशों के साथ व्यापारिक संबंधों को मिलेगा बढ़ावा
भारत द्वारा वर्ष 2026 में BRICS की अध्यक्षता संभाले जाने के अवसर को देखते हुए CEPC द्वारा BRICS सदस्य देशों के खरीदारों को 50वें इंडिया कारपेट एक्सपो में भाग लेने के लिए प्रोत्साहित एवं सुविधा प्रदान की जा रही है। इसका उद्देश्य BRICS अर्थव्यवस्थाओं के बीच व्यापार एवं बिजनेस-टू-बिजनेस लिंकेज को मजबूत करना है।
इस पहल के माध्यम से BRICS देशों जैसे ब्राज़ील रुस  चीन, यू ए इ, साउथ अफ्रीका, इजिप्त, सऊदी अरबिया इत्यादि देशो  के खरीदारों को भारतीय हस्तनिर्मित कालीन एवं फ्लोर कवरिंग के प्रमुख निर्माताओं और निर्यातकों के साथ सीधे जुड़ने, नए सोर्सिंग अवसर तलाशने, भारतीय उत्पादों की विविधता एवं गुणवत्ता को समझने तथा दीर्घकालीन व्यावसायिक साझेदारी विकसित करने का अवसर मिलेगा। इससे भारतीय कालीन उद्योग के निर्यात बाजार में विविधता आएगी तथा भारत को हस्तनिर्मित कालीन एवं फ्लोर कवरिंग के लिए एक विश्वसनीय वैश्विक सोर्सिंग डेस्टिनेशन के रूप में और मजबूत करने में मदद मिलेगी ।
उद्योग की मांग पर एक्सपो की अवधि चार दिन की गई
कालीन उद्योग की मांग एवं उद्योग जगत से प्राप्त सुझावों को ध्यान में रखते हुए, परिषद के अध्यक्ष श्री मुकेश कुमार गोम्बर की अध्यक्षता में आयोजित 210वीं बैठक में इंडिया कारपेट एक्सपो की अवधि को तीन दिन से बढ़ाकर चार दिन करने का निर्णय लिया गया। अब 50वें इंडिया कारपेट एक्सपो का आयोजन 04 अक्टूबर से 07 अक्टूबर 2026 तक किया जाएगा तथा वाणिज्य मंत्रालय भारत सरकार के सहयोग से इस एक्सपो में निर्यातको को सब्सिडी के आधार पर छुट भी दिया जा रहा है।
देश-विदेश के खरीदारों में उत्साह, बायर्स रजिस्ट्रेशन शुरू
50वें इंडिया कारपेट एक्सपो को लेकर देश-विदेश के खरीदारों में विशेष उत्साह देखने को मिल रहा है। विभिन्न देशों से बड़ी संख्या में विदेशी खरीदारों के मेले में भाग लेने की संभावना है। खरीदारों की बढ़ती रुचि को देखते हुए परिषद द्वारा बायर्स रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है, जिससे अंतरराष्ट्रीय खरीदार भारतीय कालीन निर्माताओं एवं निर्यातकों के साथ सीधे व्यापारिक संपर्क स्थापित कर सकेंगे।
वहीं, इंडिया कारपेट एक्सपो–2026 में भाग लेने वाले भारतीय निर्यातकों के लिए स्टॉल बुकिंग की प्रक्रिया 20  अगस्त 2026 को प्रातः 11:30 बजे से ऑनलाइन खोली गई थी, जिसके माध्यम से इच्छुक निर्यातकों को निर्धारित प्रक्रिया के तहत अपना पंजीकरण एवं स्टॉल बुकिंग कराने का अवसर प्रदान किया गया।
भारतीय कालीन उद्योग के लिए महत्वपूर्ण अवसर
CEPC के अनुसार, 50वां इंडिया कारपेट एक्सपो भारतीय कालीन उद्योग के लिए विशेष महत्व रखता है। गोल्डन जुबली संस्करण के माध्यम से भारतीय हस्तनिर्मित कालीनों की गुणवत्ता, डिजाइन, विविधता और पारंपरिक कारीगरी को वैश्विक खरीदारों के समक्ष प्रभावी ढंग से प्रदर्शित करने का प्रयास किया जा रहा है।
परिषद को उम्मीद है कि ICE–50 में बड़ी संख्या में अंतरराष्ट्रीय खरीदारों एवं भारतीय निर्यातकों की भागीदारी होगी। यह आयोजन नए व्यापारिक अवसरों के सृजन, भारतीय कालीनों के निर्यात को बढ़ावा देने तथा वैश्विक बाजार में भारतीय हस्तनिर्मित कालीन उद्योग की पहचान और विश्वसनीयता को और मजबूत करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
विद्यालय में साफ-सफाई व्यवस्था दुरुस्त करने एवं अनुपस्थित प्रधानाचार्य से स्पष्टीकरण तलब करने के निर्देश*
*अभ्युदय कोचिंग सेंटर एवं लाइब्रेरी के लिए स्थल चिह्नित कर प्रस्ताव तैयार करने का निर्देश*

-‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। जिलाधिकारी शैलेष कुमार ने मंगलवार को पीएम श्री विभूति नारायण राजकीय इंटर कॉलेज, ज्ञानपुर का आकस्मिक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान विद्यालय परिसर में साफ-सफाई व्यवस्था अपेक्षित स्तर की न पाए जाने पर जिलाधिकारी ने नाराजगी व्यक्त करते हुए विद्यालय प्रशासन को साफ-सफाई व्यवस्था तत्काल दुरुस्त कराने तथा परिसर को स्वच्छ एवं व्यवस्थित रखने के निर्देश दिए।

निरीक्षण के समय विद्यालय के प्रधानाचार्य के अनुपस्थित पाए जाने पर जिलाधिकारी ने गंभीरता से लेते हुए उन्हें कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि शैक्षणिक संस्थानों में अनुशासन, समयबद्धता एवं स्वच्छता व्यवस्था सुनिश्चित किया जाना अत्यंत आवश्यक है। इसमें किसी भी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।

जिलाधिकारी ने विद्यालय में संचालित होने वाली मुख्यमंत्री अभ्युदय योजना के कोचिंग सेंटर एवं लाइब्रेरी के लिए उपयुक्त स्थान का स्थलीय निरीक्षण कर स्थान चिह्नित करने के निर्देश दिए। साथ ही, आवश्यक सुविधाओं को ध्यान में रखते हुए विस्तृत प्रस्ताव तैयार कर प्रस्तुत करने को कहा, ताकि विद्यार्थियों को प्रतियोगी परीक्षाओं की गुणवत्तापूर्ण तैयारी के लिए बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराया जा सके।

जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि विद्यालय में मूलभूत सुविधाओं, स्वच्छता, अनुशासन एवं शैक्षणिक वातावरण की नियमित निगरानी सुनिश्चित की जाए तथा निरीक्षण के दौरान दिए गए निर्देशों का प्राथमिकता के आधार पर अनुपालन कराया जाए।
इस अवसर पर जिला विद्यालय निरीक्षक, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी शिवम पांडेय एवं संबधित अधिकारी उपस्थित रहे।
जिलाधिकारी ने अभ्युदय योजना कोचिंग का निरीक्षण किया:विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण मार्गदर्शन और सुविधाएं देने के निर्देश*
नितेश श्रीवास्तव



भदोही। जिलाधिकारी शैलेष कुमार ने सोमवार को मुख्यमंत्री अभ्युदय योजना के अंतर्गत संचालित कोचिंग एवं लाइब्रेरी का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने विद्यार्थियों को उपलब्ध कराई जा रही शैक्षणिक सुविधाओं, अध्ययन व्यवस्था और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारियों का जायजा लिया।

निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने कोचिंग में अध्ययनरत विद्यार्थियों से संवाद किया। उन्होंने छात्रों से उनकी पढ़ाई, कक्षाओं, अध्ययन सामग्री और प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के संबंध में जानकारी ली। जिलाधिकारी ने विद्यार्थियों को नियमित अध्ययन करने, समय का सदुपयोग करने तथा अपने लक्ष्य के प्रति पूरी लगन और अनुशासन के साथ आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया।

उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए कि मुख्यमंत्री अभ्युदय योजना के तहत प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षण, मार्गदर्शन और आवश्यक अध्ययन सामग्री उपलब्ध कराई जाए। साथ ही, विद्यार्थियों की शंकाओं का नियमित रूप से समाधान किया जाए और उनकी प्रगति का मूल्यांकन भी सुनिश्चित किया जाए।

मुख्यमंत्री अभ्युदय योजना का उद्देश्य आर्थिक रूप से कमजोर और मेधावी विद्यार्थियों को विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं जैसे UPSC, UPPSC, JEE, NEET, NDA, CDS, SSC और बैंकिंग की तैयारी के लिए निःशुल्क कोचिंग एवं मार्गदर्शन प्रदान करना है। इस योजना के अंतर्गत अनुभवी विषय विशेषज्ञों और अधिकारियों द्वारा मार्गदर्शन, नियमित मॉक टेस्ट, मूल्यांकन, काउंसलिंग और व्यक्तित्व विकास सत्र आयोजित किए जाते हैं। विद्यार्थियों को निःशुल्क अध्ययन सामग्री भी उपलब्ध कराई जाती है।

जिलाधिकारी ने कहा कि मुख्यमंत्री अभ्युदय योजना आर्थिक रूप से कमजोर और प्रतिभावान विद्यार्थियों के लिए अपने सपनों को साकार करने का एक महत्वपूर्ण माध्यम है। उन्होंने विद्यार्थियों से उपलब्ध सुविधाओं का अधिकतम लाभ उठाने, कड़ी मेहनत करने और अपने लक्ष्य को प्राप्त करने के लिए निरंतर प्रयासरत रहने का आह्वान किया।

निरीक्षण के दौरान संबंधित अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
डीएम ने पीएम श्री जवाहर नवोदय विद्यालय ज्ञानपुर का किया आकस्मिक निरीक्षण

*विद्यालय में स्वच्छता व्यवस्था दुरुस्त करने के निर्देश, विद्यार्थियों से संवाद कर जाना शिक्षा, खानपान एवं रहन-सहन का हाल*

रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव


भदोही। जिलाधिकारी शैलेष कुमार ने मंगलवार को पीएम श्री जवाहर नवोदय विद्यालय, ज्ञानपुर का आकस्मिक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने विद्यालय की व्यवस्थाओं का बारीकी से जायजा लेते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

निरीक्षण के दौरान विद्यालय परिसर में साफ-सफाई व्यवस्था अपेक्षित स्तर की न पाए जाने पर जिलाधिकारी ने प्रधानाचार्य को निर्देशित किया कि विद्यालय परिसर एवं कक्षों में बेहतर साफ-सफाई व्यवस्था सुनिश्चित कराई जाए। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को स्वच्छ, सुरक्षित एवं स्वस्थ वातावरण उपलब्ध कराना विद्यालय प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है।

कक्षाओं में पहुंचकर विद्यार्थियों से किया संवाद

जिलाधिकारी ने विद्यालय की विभिन्न कक्षाओं में जाकर विद्यार्थियों से सीधे संवाद किया। उन्होंने बच्चों से उनकी पढ़ाई, खानपान, रहन-सहन, आवासीय व्यवस्था तथा अन्य सुविधाओं के संबंध में जानकारी ली। जिलाधिकारी ने विद्यार्थियों से कहा कि यदि उन्हें किसी प्रकार की समस्या हो तो बिना संकोच बताएं। विद्यार्थियों ने बताया कि उन्हें विद्यालय में किसी प्रकार की विशेष समस्या नहीं है और वे अध्ययन में मन लगाकर पढ़ाई कर रहे हैं।

जिलाधिकारी ने प्रधानाचार्य को विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य के लिए नियमित करियर काउंसलिंग कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को उनकी रुचि एवं क्षमता के अनुरूप विभिन्न करियर विकल्पों की जानकारी उपलब्ध कराई जाए, ताकि वे भविष्य की बेहतर योजना बना सकें।

15 अगस्त के सांस्कृतिक कार्यक्रम की सराहना

जिलाधिकारी ने 15 अगस्त स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर विद्यालय के विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत किए गए उत्कृष्ट सांस्कृतिक कार्यक्रम की सराहना की। उन्होंने बच्चों को बधाई एवं धन्यवाद देते हुए कहा कि पढ़ाई के साथ-साथ सांस्कृतिक एवं रचनात्मक गतिविधियों में भी सक्रिय सहभागिता व्यक्तित्व विकास के लिए महत्वपूर्ण है। उन्होंने विद्यार्थियों को पूरी लगन एवं मेहनत से पढ़ाई करने के लिए प्रेरित किया।

कक्षा 6 में पहुंचकर जिलाधिकारी ने नवप्रवेशित विद्यार्थियों से आत्मीय संवाद करते हुए पूछा कि उन्हें घर की याद तो नहीं आती। बच्चों ने सहजता से बताया कि अब पढ़ाई में मन लग गया है, हालांकि कभी-कभी घर की याद आती है। जिलाधिकारी ने बच्चों का उत्साहवर्धन करते हुए उन्हें विद्यालय की सुविधाओं का लाभ उठाकर आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया।

कंप्यूटर, अटल टैकरिंग लैब एवं प्रयोगशाला का लिया जायजा

जिलाधिकारी ने विद्यालय की कंप्यूटर लैब, अटल टैकरिंग लैब एवं प्रयोगशाला का भी निरीक्षण किया। उन्होंने विद्यार्थियों को उपलब्ध तकनीकी एवं शैक्षणिक सुविधाओं की जानकारी ली तथा संबंधित अधिकारियों को प्रयोगशालाओं का प्रभावी उपयोग सुनिश्चित करने के निर्देश दिए, ताकि विद्यार्थियों में वैज्ञानिक सोच, नवाचार एवं तकनीकी दक्षता का विकास हो सके।

रसोईघर का निरीक्षण कर स्वयं चखी दाल

जिलाधिकारी ने विद्यालय के रसोईघर एवं भोजन व्यवस्था का भी निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने देखा कि निर्धारित मीनू के अनुसार भोजन तैयार किया जा रहा है। जिलाधिकारी ने स्वयं दाल चखकर उसकी गुणवत्ता एवं स्वाद की जांच की तथा भोजन की गुणवत्ता बनाए रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को पौष्टिक, स्वच्छ एवं गुणवत्तापूर्ण भोजन उपलब्ध कराया जाना सुनिश्चित किया जाए।

निरीक्षण के दौरान जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी शिवम पांडेय, विद्यालय के प्रधानाचार्य एवं संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
डीएम ने पीएम श्री जवाहर नवोदय विद्यालय ज्ञानपुर का किया आकस्मिक निरीक्षण

*विद्यालय में स्वच्छता व्यवस्था दुरुस्त करने के निर्देश, विद्यार्थियों से संवाद कर जाना शिक्षा, खानपान एवं रहन-सहन का हाल*

रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव


भदोही। जिलाधिकारी शैलेष कुमार ने मंगलवार को पीएम श्री जवाहर नवोदय विद्यालय, ज्ञानपुर का आकस्मिक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने विद्यालय की व्यवस्थाओं का बारीकी से जायजा लेते हुए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।

निरीक्षण के दौरान विद्यालय परिसर में साफ-सफाई व्यवस्था अपेक्षित स्तर की न पाए जाने पर जिलाधिकारी ने प्रधानाचार्य को निर्देशित किया कि विद्यालय परिसर एवं कक्षों में बेहतर साफ-सफाई व्यवस्था सुनिश्चित कराई जाए। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को स्वच्छ, सुरक्षित एवं स्वस्थ वातावरण उपलब्ध कराना विद्यालय प्रशासन की प्राथमिक जिम्मेदारी है।

कक्षाओं में पहुंचकर विद्यार्थियों से किया संवाद

जिलाधिकारी ने विद्यालय की विभिन्न कक्षाओं में जाकर विद्यार्थियों से सीधे संवाद किया। उन्होंने बच्चों से उनकी पढ़ाई, खानपान, रहन-सहन, आवासीय व्यवस्था तथा अन्य सुविधाओं के संबंध में जानकारी ली। जिलाधिकारी ने विद्यार्थियों से कहा कि यदि उन्हें किसी प्रकार की समस्या हो तो बिना संकोच बताएं। विद्यार्थियों ने बताया कि उन्हें विद्यालय में किसी प्रकार की विशेष समस्या नहीं है और वे अध्ययन में मन लगाकर पढ़ाई कर रहे हैं।

जिलाधिकारी ने प्रधानाचार्य को विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य के लिए नियमित करियर काउंसलिंग कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को उनकी रुचि एवं क्षमता के अनुरूप विभिन्न करियर विकल्पों की जानकारी उपलब्ध कराई जाए, ताकि वे भविष्य की बेहतर योजना बना सकें।

15 अगस्त के सांस्कृतिक कार्यक्रम की सराहना

जिलाधिकारी ने 15 अगस्त स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर विद्यालय के विद्यार्थियों द्वारा प्रस्तुत किए गए उत्कृष्ट सांस्कृतिक कार्यक्रम की सराहना की। उन्होंने बच्चों को बधाई एवं धन्यवाद देते हुए कहा कि पढ़ाई के साथ-साथ सांस्कृतिक एवं रचनात्मक गतिविधियों में भी सक्रिय सहभागिता व्यक्तित्व विकास के लिए महत्वपूर्ण है। उन्होंने विद्यार्थियों को पूरी लगन एवं मेहनत से पढ़ाई करने के लिए प्रेरित किया।

कक्षा 6 में पहुंचकर जिलाधिकारी ने नवप्रवेशित विद्यार्थियों से आत्मीय संवाद करते हुए पूछा कि उन्हें घर की याद तो नहीं आती। बच्चों ने सहजता से बताया कि अब पढ़ाई में मन लग गया है, हालांकि कभी-कभी घर की याद आती है। जिलाधिकारी ने बच्चों का उत्साहवर्धन करते हुए उन्हें विद्यालय की सुविधाओं का लाभ उठाकर आगे बढ़ने के लिए प्रेरित किया।

कंप्यूटर, अटल टैकरिंग लैब एवं प्रयोगशाला का लिया जायजा

जिलाधिकारी ने विद्यालय की कंप्यूटर लैब, अटल टैकरिंग लैब एवं प्रयोगशाला का भी निरीक्षण किया। उन्होंने विद्यार्थियों को उपलब्ध तकनीकी एवं शैक्षणिक सुविधाओं की जानकारी ली तथा संबंधित अधिकारियों को प्रयोगशालाओं का प्रभावी उपयोग सुनिश्चित करने के निर्देश दिए, ताकि विद्यार्थियों में वैज्ञानिक सोच, नवाचार एवं तकनीकी दक्षता का विकास हो सके।

रसोईघर का निरीक्षण कर स्वयं चखी दाल

जिलाधिकारी ने विद्यालय के रसोईघर एवं भोजन व्यवस्था का भी निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने देखा कि निर्धारित मीनू के अनुसार भोजन तैयार किया जा रहा है। जिलाधिकारी ने स्वयं दाल चखकर उसकी गुणवत्ता एवं स्वाद की जांच की तथा भोजन की गुणवत्ता बनाए रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों को पौष्टिक, स्वच्छ एवं गुणवत्तापूर्ण भोजन उपलब्ध कराया जाना सुनिश्चित किया जाए।

निरीक्षण के दौरान जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी शिवम पांडेय, विद्यालय के प्रधानाचार्य एवं संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
भारी बारिश के चलते भदोही में आज कक्षा 1 से 12 तक के स्कूल बंद*

रिपोर्टर -‌ नितेश श्रीवास्तव


भदोही। जिले में लगातार हो रही भारी बारिश और खराब मौसम को देखते हुए जिला प्राथमिक शिक्षा अधिकारी की ओर से 18 अगस्त 2026 को विद्यालयों में अवकाश घोषित किया गया है। जारी आदेश के अनुसार भदोही जिले में कक्षा 1 से 12 तक के सभी विद्यार्थियों के लिए आज स्कूल बंद रहेंगे।

यह आदेश जिले के सभी सरकारी एवं निजी विद्यालयों के साथ-साथ प्राथमिक शिक्षा परिषद, सीबीएसई, आईसीएसई और अन्य मान्यता प्राप्त विद्यालयों पर लागू होगा। खराब मौसम के कारण विद्यार्थियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए यह निर्णय लिया गया है।

हालांकि, अवकाश केवल विद्यार्थियों के लिए रहेगा। विद्यालयों में कार्यरत शिक्षक एवं अन्य कर्मचारियों को अपने-अपने विद्यालय में उपस्थित रहकर विभागीय एवं आवश्यक कार्यों का निर्वहन करना होगा।

अधिकारियों ने विद्यालय प्रबंधन को आदेश का पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। लगातार बारिश के बीच स्कूल बंद होने से विद्यार्थियों और अभिभावकों को राहत मिली है।