बाढ़ कंट्रोल रूम 24 घंटे संचालित रखा जाए, बाढ़ प्रभावित क्षेत्र में निगरानी बढ़ाने के निर्देश डीएम
फर्रूखाबाद ।जनपद में संभावित बाढ़ की स्थिति को दृष्टिगत रख कर कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी डॉ अंकुर लाठर की अध्यक्षता में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जिसमें बाढ़ नियंत्रण एवं राहत कार्यों की तैयारियों की विस्तृत समीक्षा की गई। बैठक में संबंधित विभागों के अधिकारियों को निर्देशित किया गया कि बाढ़ से निपटने हेतु सभी आवश्यक व्यवस्थाएं समयबद्ध एवं प्रभावी ढंग से सुनिश्चित की जाएं।
जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि जनपद स्तर पर बाढ़ नियंत्रण कक्ष की स्थापना कर उसे 24 घंटे संचालित रखा जाए, जिससे किसी भी आपात स्थिति में त्वरित कार्यवाही सुनिश्चित की जा सके। साथ ही, संवेदनशील क्षेत्रों में बाढ़ चौकियों की स्थापना कर निरंतर निगरानी बनाए रखने के निर्देश दिए गए।
उन्होंने बाढ़ संभावित क्षेत्रों में बाढ़ आश्रय स्थलों की स्थापना एवं वहां साफ-सफाई, पेयजल, शौचालय तथा अन्य मूलभूत सुविधाओं की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। नावों, नाविकों एवं गोताखोरों की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित करने के साथ ही उनकी तैनाती संवेदनशील स्थानों पर प्राथमिकता से किए जाने के निर्देश भी दिए गए।
बैठक में पेयजल, खाद्यान्न, डीजल एवं मिट्टी के तेल की पर्याप्त उपलब्धता बनाए रखने पर जोर दिया गया। पशुपालन विभाग को पशुओं के टीकाकरण एवं चारे की व्यवस्था सुनिश्चित करने तथा स्वास्थ्य विभाग को संभावित आपदाओं के मद्देनज़र चिकित्सा टीमों एवं आवश्यक दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
जिलाधिकारी ने लोक निर्माण विभाग एवं संबंधित एजेंसियों को संपर्क मार्गों एवं सड़कों की मरम्मत एवं सुचारु संचालन सुनिश्चित करने हेतु निर्देशित किया। साथ ही, विद्युत विभाग को बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित करने एवं आवश्यकतानुसार वैकल्पिक व्यवस्थाएं करने को कहा गया। परिवहन व्यवस्था को भी सुदृढ़ रखने के निर्देश दिए गए, जिससे राहत एवं बचाव कार्यों में कोई बाधा न आए।
बैठक में पीएसी, एनडीआरएफ एवं एसडीआरएफ की तैनाती एवं उनकी तत्परता की भी समीक्षा की गई। आवश्यकता पड़ने पर इन बलों की सहायता से राहत एवं बचाव कार्यों को तेज करने के निर्देश दिए गए। साथ ही, बाढ़ से विस्थापित विद्यालयों के संचालन हेतु वैकल्पिक व्यवस्थाएं सुनिश्चित करने को कहा गया।
बाढ़ निरोधक कार्यों के अंतर्गत तटबंधों की सुरक्षा, कटान संभावित स्थलों की पहचान एवं आवश्यक सामग्री की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए। जिलाधिकारी ने कहा कि बाढ़ निरीक्षण कार्यों के दौरान आवश्यक सामग्री समय से कार्यस्थल पर उपलब्ध कराई जाए तथा क्षतिग्रस्त स्थलों की तत्काल मरम्मत हेतु मजदूरों एवं संसाधनों की व्यवस्था की जाए।
उन्होंने यह भी निर्देश दिए कि बाढ़ निरोधक कार्यों की सुरक्षा के लिए आवश्यकतानुसार पीएसी, पुलिस या होमगार्ड्स द्वारा नियमित पेट्रोलिंग कराई जाए। शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में जहां रात्रि के समय कार्य की आवश्यकता हो, वहां पर्याप्त विद्युत व्यवस्था सुनिश्चित की जाए।
जिलाधिकारी ने सभी विभागों को आपसी समन्वय स्थापित कर कार्य करने के निर्देश दिए, जिससे राहत एवं बचाव कार्यों में तेजी लाई जा सके। बैठक में संभावित कटान से प्रभावित क्षेत्रों पर विशेष चर्चा की गई तथा विगत तीन वर्षों में बाढ़ के दौरान आई समस्याओं एवं चुनौतियों का विश्लेषण कर उनके समाधान हेतु प्रभावी रणनीति बनाने के निर्देश दिए गए। साथ ही जिलाधिकारी ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे अपने-अपने दायित्वों का निर्वहन पूरी गंभीरता एवं तत्परता के साथ करें, ताकि किसी भी आपात स्थिति में जनहानि एवं धनहानि को न्यूनतम किया जा सके।
लिंक एक्सप्रैस वे परियोजना से जुड़े दो लेखपाल हटाए गए, तीन लेखपालों के वेतन अग्रिम आदेशों तक रोकने के निर्देश

फर्रूखाबाद l जनपद में प्रस्तावित फर्रूखाबाद लिंक एक्सप्रेस-वे परियोजना हेतु भूमि क्रय कार्यों की प्रगति की जिलाधिकारी डॉ अंकुर लाठर द्वारा समीक्षा की गई। समीक्षा के दौरान पाया गया कि निर्धारित लक्ष्यों के अनुरूप भूमि क्रय कार्यों में अपेक्षित प्रगति नहीं की जा रही है, जिस पर जिलाधिकारी ने कड़ी नाराजगी व्यक्त की।

जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि एक्सप्रेस-वे जैसी महत्वपूर्ण एवं जनहित से जुड़ी परियोजना में किसी भी प्रकार की शिथिलता अथवा लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने संबंधित राजस्व कार्मिकों को अपने दायित्वों के प्रति पूर्ण निष्ठा एवं गंभीरता से कार्य करने के निर्देश दिए।

प्रगति में लापरवाही पाए जाने पर जिलाधिकारी द्वारा अनुशासनात्मक कार्रवाई करते हुए 02 लेखपालों—सौरभ पांडेय एवं अतुल प्रताप सिंह—को तत्काल प्रभाव से भूलेख कार्यालय से संबद्ध (अटैच) कर दिया गया है। इसके अतिरिक्त 03 लेखपालों—विकास दीक्षित, सुभाष चंद्र एवं सत्येंद्र गंगवार—का वेतन अग्रिम आदेशों तक रोकने के निर्देश दिए गए हैं।

जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को चेतावनी देते हुए कहा कि भूमि क्रय की प्रक्रिया में तेजी लाई जाए तथा निर्धारित समयसीमा के भीतर कार्य पूर्ण करना सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने यह भी निर्देशित किया कि कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग की जाए तथा किसी भी स्तर पर लापरवाही पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

जिलाधिकारी ने कहा कि फर्रूखाबाद लिंक एक्सप्रेस-वे परियोजना जनपद के विकास की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण है, जिससे क्षेत्र में कनेक्टिविटी, निवेश और रोजगार के अवसरों में वृद्धि होगी। उन्होंने कहा कि सभी संबंधित अधिकारी समन्वय स्थापित करते हुए कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूर्ण कराएं।

आलू खरीद केंद्र पर कर्मचारी गायब, किसानों ने काटा हंगामा, निदेशक ने उद्यान निदेशक से की शिकायत
फर्रुखाबाद l गुरुवार को सातनपुर मंडी पहुंच कर जिला अधिकारी डॉक्टर अंकुर लाठर ने आलू क्रय केंद्र का निरीक्षण किया । किसानों से सीधे संवाद किया l सुबह सात बजे से आलू की खरीद कराने के निर्देश दिए।शासन द्वारा आलू 650रूपया कुंतल की दर से 20लाख मीट्रिक टन आलू खरीदने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है।28अप्रैल को उद्यान निदेशक वीपी राम व हाफेड के प्रबंध निदेशक शैलेंद्र कुमार सुमन ने मंडी में सरकारी आलू खरीद केंद्र का उद्घाटन किया। गुरुवार को सुबह किसान मंडी में आलू बेंचने आये तो वहा कोई भी कर्मचारी मौजूद नहीं थे। जिस पर किसानो ने हंगामा किया।
आलू विकास विपणन सहकारी संघ के निदेशक अशोक कटियार ने आलू विकास अधिकारी राघवेन्द्र सिंह को फ़ोन किया लेकिन उनका फोन नहीं उठा। उन्होंने उद्यान निदेशक वीपी राम को फोन कर कोई कर्मचारी मौजूद न होने की समस्याओ़ से अवगत कराया। उद्यान निदेशक ने नाराजगी जताई तथा तुरंत आलू अधिकारी को खरीद केंद्र पहुंचने कि निर्देश दिया। अशोक कटियार ने मोबाइल से जिलाधिकारी को भी खरीद न होने की समस्या से अवगत कराया। जिलाधिकारी ने खरीद केंद्र पहुच कर स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने कहा कि शासन की नीति के अनुसार आलू खरीद का लक्ष्य पूरा किया जाए, मंडी टैक्स समाप्त किया जाए। आलू का निर्यात किया जाए तथा आलू आधारित उद्योग फर्रुखाबाद में लगाया जाए। जिलाधिकारी ने कहा कि वह आलू समस्या पर शीघ्र ही वैठक बुलाए जाने की बात कही है l उन्होंने कहा कि आलू किसानों की समस्याओ़ व समाधान के लिए ड्राफ्ट तैयार करने के लिए कहा।इस मौके पर आलू निर्यातक सुधीर शुक्ला, लालू यादव,रिंकू वर्मा, राजकुमार वर्मा, अरविन्द राजपूत, परशुराम वर्मा, रामलड़ैते राजपूत,अजय वर्मा सहित बडी संख्या में किसान,व्यापारी, आढ़ती मौजूद रहे।
आलू खरीद केंद्र पर मानकों के अनुसार ही किसान आलू लेकर आए

फर्रुखाबाद l  उद्यान विभाग उत्तर प्रदेश राज्य औद्यानिक सहकारी विपणन संघ (हाफेड) के संयुक्त तत्वावधान में भारत सरकार द्वारा संचालित प्रधानमंत्री अन्नदाता आय संरक्षण योजना के अंतर्गत बाजार हस्तक्षेप योजना के तहत संचालित आलू खरीद केंद्र  मण्डी समिति सातनपुर का जिलाधिकारी डॉ0अंकुर लाठर द्वारा निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी  ने मौके पर उपस्थित जिला उद्यान अधिकारी राघवेन्द्र सिंह से आलू क्रय केंद्र की व्यवस्थाओं, खरीद प्रक्रिया एवं किसानों को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं के संबंध में जानकारी प्राप्त की। उन्होंने क्रय केंद्र पर उपस्थित कृषकों से संवाद स्थापित कर बाजार में आलू के वर्तमान मूल्य की स्थिति के बारे में भी जानकारी ली।
जिलाधिकारी ने कृषकों से अपील की कि वे निर्धारित मानकों के अनुरूप ही आलू को क्रय केंद्र पर लेकर आएं, जिससे अधिक से अधिक किसानों को योजना का लाभ मिल सके और उनके उत्पाद का उचित मूल्य प्राप्त हो सके।
उन्होंने बताया कि योजना के अंतर्गत किसानों को पारदर्शी एवं सुगम प्रक्रिया के माध्यम से लाभ प्रदान किया जा रहा है। इस संबंध में दिशा-निर्देश निर्धारित किए गए हैं,पंजीकरण संबंधी प्रावधान किया गया l
किसानों के पंजीकरण हेतु डिजिटल क्रॉप सर्वे के साथ एपीआई/एग्री स्टैक एकीकरण के माध्यम से प्राप्त आंकड़ों का उपयोग अनिवार्य है। यदि स्वचालित डेटा के आधार पर फसल सत्यापन संभव न हो, तो पारंपरिक सत्यापन की प्रक्रिया अपनाई जाएगी।
पोर्टल पंजीकरण अनिवार्य:
योजना का लाभ प्राप्त करने के लिए कृषकों का राज्य पोर्टल पर पंजीकृत होना आवश्यक है।
गुणवत्ता एवं मूल् निर्धारण:
फेयर एवरेज क्वालिटी मानक के अनुरूप ग्रेडेड आलू का क्रय निर्धारित दर 650.09 रुपए प्रति कुन्तल की दर से सीधे किसानों से किया जाएगा। FAQ गुणवत्ता की पुष्टि जिला उद्यान अधिकारी द्वारा की जाएगी। इसके अंतर्गत—
आलू का आकार 45 मिमी से 85 मिमी व्यास के बीच होना चाहिए।
आलू साफ, मिट्टी रहित, ठोस, परिपक्व एवं रोगमुक्त होना चाहिए।
कटा, फटा, हरा, सड़ा-गला अथवा धूप से प्रभावित आलू स्वीकार्य नहीं होगा।
केवल छंटाई एवं ग्रेडिंग किए गए आलू का ही क्रय किया जाएगा। भुगतान की व्यवस्था
क्रय किए गए आलू का भुगतान सीधे संबंधित कृषक के बैंक खाते में डीबीटी के माध्यम से किया जाएगा, जिससे पारदर्शिता सुनिश्चित हो सके।
जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि क्रय केंद्र पर समुचित व्यवस्थाएं सुनिश्चित की जाएं तथा किसानों को किसी भी प्रकार की असुविधा न होने दी जाए। उन्होंने कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप किसानों को अधिकतम लाभ दिलाना प्राथमिकता है।
गेहूं खरीद केंद्र का जिला अधिकारी ने किया निरीक्षण, गेहूं खरीद, टोकन एवं स्टॉक का अवलोकन किया, रजिस्टर पर किसानों का नंबर लिखा जाए

फर्रुखाबाद l जनपद में खाद्य विभाग द्वारा संचालित गेहूँ क्रय कार्य की पारदर्शिता एवं गुणवत्ता सुनिश्चित करने के उद्देश्य से जिलाधिकारी डॉ0 अंकुर लाठर द्वारा गुरुवार को राजकीय गेहूँ खरीद केंद्र, सातनपुर मंडी का औचक निरीक्षण किया गया।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने केंद्र पर रखे अभिलेखों का गहन परीक्षण किया, जिसमें टोकन रजिस्टर, क्रय पंजिका एवं बोरा रजिस्टर आदि शामिल रहे। अभिलेखों के अवलोकन में पारदर्शिता एवं अद्यतन प्रविष्टियों पर विशेष ध्यान दिया गया। इस दौरान डिप्टी आर0एम0ओ0 द्वारा जिलाधिकारी को अवगत कराया गया कि वर्तमान तक केंद्र पर कुल 40 किसानों से 2828 कुंतल गेहूँ की खरीद की जा चुकी है, जिसमें से 38 किसानों का भुगतान उनके खातों में किया जा चुका है।
जिलाधिकारी ने निर्देशित किया कि क्रय पंजिका में सभी किसानों के मोबाइल नंबर अनिवार्य रूप से दर्ज किये जाएं, ताकि किसी भी स्थिति में किसानों से त्वरित संपर्क स्थापित किया जा सके। साथ ही उन्होंने यह भी सुनिश्चित करने के निर्देश दिये कि क्रय केंद्र पर आने वाले किसानों को किसी प्रकार की असुविधा न हो और समस्त व्यवस्थाएं सुचारू रूप से संचालित रहें।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी द्वारा स्वयं की उपस्थिति में गेहूँ के नमूने की नमी की जांच कराई गई तथा इलेक्ट्रॉनिक कांटे की शुद्धता भी परखी गई। उन्होंने गुणवत्ता मानकों का पूर्ण अनुपालन सुनिश्चित करने के निर्देश देते हुए कहा कि गेहूँ क्रय में किसी भी प्रकार की लापरवाही या अनियमितता स्वीकार्य नहीं होगी।
जिलाधिकारी ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि क्रय कार्य को निर्धारित मानकों के अनुरूप पारदर्शी एवं व्यवस्थित तरीके से संचालित किया जाए तथा किसानों को समयबद्ध भुगतान सुनिश्चित किया जाए।
आर्मी वेल्फेयर एजूकेशन सोसाइटी के स्थापना दिवस पर हुए विभिन्न कार्यक्रम
फर्रुखाबाद l आर्मी पब्लिक स्कूल फतेहगढ़ कैण्ट में आर्मी वेल्फेयर एजूकेशन सोसाइटी के स्थापना दिवस को बड़े धूमधाम से मनाया गया। इस उपलक्ष्य में विद्यालय में अनेक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया। इस अवसर पर विद्यालय में विशेष प्रार्थना सभा आयोजित की गई। विद्यालय के वरिष्ठ छात्र-छात्राओं ने नुक्कड़ नाटक के माध्यम से सैनिकों के पाल्यों के लिए उत्तम प्रारम्भिक शिक्षा से लेकर व्यावसायिक शिक्षा तक के महत्त्वपूर्ण योगदान को दर्शाया। छात्राओं ने ‘टुकड़ा-टुकड़ा सी करके सपना एक बनाया’ गीत पर सामूहिक नृत्य प्रस्तुत किया।
कक्षा 12 ‘अ’ की छात्रा आरजू राठौर ने सैनिकों के पाल्यों के लिए पूर्व-प्राथमिक शिक्षा से लेकर तकनीकी शिक्षा तक द्वारा किए गए प्रयासों एवं उपलब्धियों पर प्रकाश डाला। कक्षा 12 की छात्रा आराध्या सिंह ने रामधारी सिंह दिनकर की कविता ‘नित जीवन के संघर्षों से जब टूट चुका हो अन्तर्मन’ का ओजस्वी पाठ कर सभी की सराहना प्राप्त की। विद्यालय के छात्रों ने विद्यालय गीत प्रस्तुत कर के कार्यों को सराहा। इस अवसर पर बास्केटबॉल एवं प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता का भी आयोजन किया गया।
कार्यक्रम के दौरान विद्यालय के कार्यवाहक प्रधानाचार्य नितिन चतुर्वेदी ने छात्र-छात्राओं के उत्कृष्ट प्रदर्शन की सराहना की। उन्होंने कहा कि यह सराहनीय प्रयास बच्चों में आत्मविश्वास, नेतृत्व विकास एवं आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देने में मील का पत्थर सिद्ध हो रहा है।
विद्यालय के चेयरमैन ब्रिगेडियर मनीष कुमार जैन, सिखलाई रेजिमेंट सेंटर, फतेहगढ़ (उ.प्र.) ने AWES स्थापना दिवस के अवसर पर विद्यालय परिवार को शुभकामनाएँ प्रेषित करते हुए कहा कि AWES शिक्षा के क्षेत्र में अनुकरणीय कार्य कर रही है तथा यह संस्था सैनिकों के पाल्यों के उज्ज्वल भविष्य निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।
इस मौके पर डॉ. अंजना चौहान, पूर्णिमा अग्निहोत्री, डॉ. नैन्सी, डॉ. शिवाली वर्मा, डॉ. सुनील कुमार त्रिपाठी सहित अनेक अध्यापकों ने कार्यक्रम को सफल बनाने में अपना महत्वपूर्ण योगदान दिया।
केंद्रीय और जिला कारागार पहुंच कर डीएम एसपी ने परखी  व्यवस्थाएं
फर्रुखाबाद l  जिला कारागार एवं केंद्रीय कारागार का जिला अधिकारी डॉ अंकुर लाठर और पुलिस अधीक्षक आरती सिंह द्वारा औचक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान बंदियों को उपलब्ध कराए जा रहे भोजन की गुणवत्ता, स्वास्थ्य सेवाओं, साफ-सफाई तथा अन्य व्यवस्थाओं का भी अवलोकन किया गया। डीएम व एसपी ने जेल में बंद बंदियों की समस्याओं को भी सुना l साथ ही उन्होंने बंदियों का समय समय पर मेडिकल परीक्षण भी कराया जाए जिससे उनका स्वास्थ्य ठीक रहे। अधीक्षक ने बताया कि बंदियों का स्वास्थ्य परीक्षण कराया जाता है।
आलू बचाओ यात्रा राजभवन पहुंची, राज्यपाल ने सुनी किसानों की समस्या, सातनपुर मंडी राज्य का पहला आलू खरीद केंद्र खुला

फर्रुखाबाद l आलू किसान बचाओ यात्रा राजभवन लखनऊ तक ले जाकर आलू किसानों का दर्द राज्यपाल आनंदी बेन पटेल से बयां करने का असर दिखाई दे रहा है l उन्होंने कहा कि
आलू मंडी सातनपुर में राज्य का पहला आलू खरीद केंद्र खुल गया है l  इसका उद्घाटन करने लखनऊ से उद्यान निदेशक वीपी राम व हाफेड के प्रबंध निदेशक शैलेंद्र कुमार सुमन आये,,,इस दौरान किसान नेता अशोक कटियार, आलू निर्यातक सुधीर शुक्ला, राजीव यादव लालू, पूर्व मंडी अध्यक्ष रिंकू वर्मा,मंडी सचिव ,आदि प्रमुख रूप से मौजूद रहे l पीडिओ ने सभी का आभार व्यक्त किया l किसान अशोक कटियार ने इसे किसानों की जीत बताया और कहा कि आलू आधारित उद्योग फर्रुखाबाद में लगने पर ही समस्या का स्थायी समाधान होगा। आलू किसानों को हक ना मिलने तक सड़क से संसद तक संघर्ष जारी रहेगा,,,
किसानों की समस्याओं को लेकर प्रधानमंत्री से मिलने हरदोई जा रहे  किसान नेता को किया हाउस अरेस्ट, 11मई से जिला मुख्यालय पर धरना प्रदर्शन

फर्रुखाबाद l भारतीय किसान यूनियन महात्मा टिकेत के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष प्रभाकांत मिश्रा जनपद के किसानों की समस्याओं को लेकर प्रधानमंत्री से मिल ने हरदोई जा रहे थे तभी जिला प्रशासन को उनके जाने की खबर मिलते ही उन्हें हाउस अरेस्ट किया गया और उनका प्रधानमंत्री और जिला अधिकारी को संबोधित ज्ञापन उप जिला अधिकारी ने उनके आवास पहुंच कर लिया l उन्होंने कहा कि सरकार किसानों की समस्याओं को झांक कर  रखती है जिससे किसान को लाभ न मिल सके l सरकार की तमाम योजना किसानों तक नहीं पहुंचती है, लिंक रोड में जो किसानों की ज़मीन जा रही उन किसानों को सर्किल रेट से चार गुना देने का आश्वासन दिया था लेकिन सरकार कम रेट में किसने की जमीन को ले रही है उन्होंने कहा कि किसानों को लाभ नहीं मिलेगा तो वह अपनी जमीन लिंक रोड के लिए हस्तांतरित नहीं करेगा l उन्होंने कहा कि अगर हमारी मांग मांग पूरी नहीं होती है तो 11 मई से जिला मुख्यालय पर धरना प्रदर्शन दिया जाएगा जब तक किसानों के साथ में फैसला नहीं हो जाता है कब तक धरना प्रदर्शन जारी रहेगा l
लोक अदालत को लेकर बैठक संपन्न, वाद निस्तारण के लिए चिन्हित

फर्रुखाबाद l राष्ट्रीय लोक अदालत को लेकर प्रभारी जनपद न्यायाधीश/अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण अभिनितम उपाध्याय की अध्यक्षता में एवं उनके विश्राम कक्ष में बैठक सम्पन्न की गयी। इस बैठक का संचालन युगल शम्भू सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा किया गया।अध्यक्ष द्वारा राष्ट्रीय लोक अदालत में निस्तारण होने योग्य राजस्व/वकबन्दी/लघु फौजदारी/विद्युत विभाग आदि राजस्व मामलों को अधिक से अधिक संख्या में चिन्हित किये जाने हेतु अधिकारियों को निर्देशित किया गया है, ताकि राष्ट्रीय लोक अदालत को सफल बनाया जा सके। राजस्व वाद 222 मामले, फौजदारी वाद 857 मामले एवं प्रकीर्ण वाद 68305 मामले कुल 69384 मामले प्रशासन की ओर से चिन्हित किये गये हैं।
मंगलवार को तैयारी बैठक में  संजय कुमार षष्ठम अपर जिला जज/नोडल अधिकारी, यदुवंश कुमार वर्मा उपजिलाधिकारी (राजस्व), उमाशंकर सीीओ, डी. के. राजपूत एसडीओ, अभय कुमार वर्मा सीओ सिटी, राधा रमन वरिष्ठ सहायक आदि प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित हुये।