नगरा में आस्था का केंद्र बना पुरानी दुर्गा मंदिर, नवरात्र में उमड़ती है श्रद्धालुओं की भीड़
रामईश्वर प्रजापति नगरा/बलिया नगरा क्षेत्र स्थित पुरानी दुर्गा मंदिर वर्षों से श्रद्धा और विश्वास का प्रमुख केंद्र बना हुआ है। स्थानीय लोगों का मानना है कि यहां सच्चे मन से माता के दर्शन करने से बड़ी से बड़ी समस्याएं भी दूर हो जाती हैं। यही कारण है कि दूर-दराज के गांवों से भी श्रद्धालु यहां आकर माथा टेकते हैं और अपनी मनोकामनाएं माता के चरणों में अर्पित करते हैं। मंदिर की विशेषता यह है कि यहां केवल धार्मिक अनुष्ठान ही नहीं, बल्कि सामाजिक आस्थाएं भी गहराई से जुड़ी हुई हैं। शादी-विवाह जैसे शुभ कार्यों से पहले लोग यहां आकर माता का आशीर्वाद लेना जरूरी मानते हैं।परिवारों में यह परंपरा बन चुकी है कि विवाह से पूर्व “दिखावटी” (रिश्ता तय होने की रस्म) भी माता के दरबार में की जाती है। हर वर्ष चैत्र माह में नवरात्रि के दौरान यह मंदिर भक्ति के रंग में रंग जाता है। दर्जनों गांवों की महिलाएं माता को “खपर” (चढ़ावा) चढ़ाने के लिए बड़ी संख्या में मंदिर पहुंचती हैं। पूरे दस दिनों तक पूजा-अर्चना, भजन-कीर्तन और श्रद्धा का अद्भुत माहौल बना रहता है। मंदिर में नियमित रूप से शिव चर्चा का आयोजन भी होता है, जिसमें महिला, पुरुष और बच्चे बढ़-चढ़कर भाग लेते हैं। इसके साथ ही सुबह और शाम की आरती में भी श्रद्धालुओं की अच्छी भागीदारी रहती है, जिससे पूरा वातावरण भक्तिमय हो उठता है। वहीं, दशहरा नवमी के अवसर पर यहां विशेष आयोजन होता है, जहां रामलीला और मेले का भव्य दृश्य देखने को मिलता है। इस दौरान भी श्रद्धालु बड़ी संख्या में पहुंचकर माता का आशीर्वाद प्राप्त करते हैं। मंदिर के पुजारी मुन्ना पंडित के अनुसार, “माता दुर्गा अत्यंत जागृत और चमत्कारी हैं। सच्चे मन से मांगी गई हर मुराद माता अपने तरीके से पूरी करती हैं।” उन्होंने बताया कि श्रद्धालु माता शारदा स्वरूप में भी पूजा करते हैं और शिक्षा, विवाह, स्वास्थ्य सहित विभिन्न मनोकामनाओं के लिए यहां आते हैं। इस प्रकार नगरा का पुरानी दुर्गा मंदिर केवल एक पूजा स्थल ही नहीं, बल्कि आस्था, परंपरा और सामाजिक विश्वास का जीवंत केंद्र बन चुका है, जहां हर वर्ष हजारों श्रद्धालु माता का आशीर्वाद प्राप्त करने पहुंचते हैं।
सीता हरण से सुग्रीव राज्याभिषेक तक, रामकथा में झूमे श्रद्धालु
रामेश्वर प्रजापति छांगुर नगरा (बलिया) स्थानीय पुरानी दुर्गा मंदिर परिसर में आयोजित श्री राम जन्म महोत्सव के अंतर्गत चल रहे रामकथा प्रवचन के आठवें दिन बुधवार को श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ पड़ी। पूरा वातावरण भक्ति और आस्था से सराबोर नजर आया, जहां श्रद्धालु कथा श्रवण में तल्लीन रहे। कथा व्यास महाराज विजय कौशिक जी ने अपने ओजस्वी एवं मधुर वचनों से रामकथा के विभिन्न प्रसंगों का भावपूर्ण वर्णन किया। उन्होंने सीता हरण प्रसंग को मार्मिक ढंग से प्रस्तुत करते हुए धर्म-अधर्म के संघर्ष को समझाया। साथ ही जटायु-रावण युद्ध का वर्णन करते हुए जटायु की वीरता और भगवान श्रीराम के प्रति उनकी निष्ठा को विस्तार से बताया, जिससे श्रोता भावुक हो उठे। प्रवचन के दौरान बाली-सुग्रीव युद्ध का प्रसंग भी विस्तार से सुनाया गया। महाराज जी ने बताया कि भगवान श्रीराम ने अन्याय के विरुद्ध खड़े होकर सुग्रीव को उसका अधिकार दिलाया। इसके पश्चात सुग्रीव के राज्याभिषेक का सुंदर वर्णन करते हुए धर्म की स्थापना का संदेश दिया। कार्यक्रम का शुभारंभ आरती के साथ हुआ, जिसमें विजय नारायण सिंह उर्फ गोपाल जी, निर्भय प्रकाश, मनमोहन सिंह, डॉ. डीपी सिंह, अरविंद नारायण सिंह, डॉ. बृजेश सिंह, बिट्टन सिंह, छट्ठू राम, डॉ. आर.एस. वर्मा, समरजीत सिंह, नंदलाल गुप्ता, आलोक यादव, संजीव गिरी, धनजी सिंह,संजय ,फतेह बहादुर सिंह सहित अन्य श्रद्धालुओं ने सेवक के रूप में भगवान की आरती उतारकर कार्यक्रम को भव्यता प्रदान की। कथा के दौरान “जय श्रीराम” के जयघोष से पूरा पंडाल गूंज उठा। आयोजन स्थल पर व्यवस्था सुव्यवस्थित रही और श्रद्धालुओं ने अनुशासन के साथ कथा का आनंद लिया। इस अवसर पर क्षेत्र के अनेक गणमान्य लोग एवं श्रद्धालु बड़ी संख्या में उपस्थित रहे, जिससे पूरा परिसर भक्तिमय हो उठा।
नगरा न्याय पंचायत में शिक्षक सम्मान समारोह का भव्य आयोजन
संजीव सिंह बलिया!शिक्षा क्षेत्र नगरा के अन्तर्गत न्याय पंचायत नगरा में 31 मार्च 2026 को सेवानिवृत्त होने वाले अध्यापकों के सम्मान समारोह का आयोजन उच्च प्राथमिक विद्यालय नगरा में किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथि राम प्रताप सिंह, खण्ड शिक्षा अधिकारी नगरा द्वारा मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण, पुष्पार्चन एवं दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ।उच्च प्राथमिक विद्यालय नगरा की बच्चियों ने सरस्वती वंदना, स्वागत गीत एवं विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत कर समा बांध दिया। सेवानिवृत्त अध्यापकों वीरेन्द्र यादव प्रoअo (प्राथमिक विद्यालय नगरा नंबर-1), विशुनदेव राम ( प्रoअo. यूपीएस नगरा) एवं मदन राम (प्र0अ0. ब्राह्मणपुरा) को स्मृति चिन्ह, अंगवस्त्र, बैग, धार्मिक पुस्तक भेंट कर सम्मानित किया गया। यह सम्मान न्याय पंचायत नगरा के समस्त अध्यापक/अध्यापिकाओं एवं विभिन्न संगठनों के अध्यक्ष व मंत्रीगणों द्वारा दिया गया।कार्यक्रम में मुख्य रूप से शिक्षक संघ से ब्रजेश कुमार सिंह 'तेगा',वीरेंद्र प्रताप यादव,राकेश कुमार सिंह,राजीव नयन पांडेय, मंत्री ओमप्रकाश, राहुल कुमार उपाध्याय , राजकुमार यादव, निर्मल कुमार वर्मा, वीरेन्द्र प्रसाद यादव (शिक्षक संकुल), सुमंत कुमार गुप्ता , राहुल तिवारी , मीना सिंह ,कुसुम मौर्य, स्वेता सिंह, राजकुमारी , अनामिका, मीना मिश्रा विमला देवी, सरोज तिवारी , गरिमा सिंह श्रीनिवास राम, अजय कुमार यादव, सत्य प्रकाश सिंह उमेश तिवारी, बच्चा लाल आदि ने हार्दिक सहयोग प्रदान किया।कार्यक्रम का संचालन बालचंद प्रसाद ने कुशलतापूर्वक किया। अंत में मीना सिंह ने सभी अतिथियों का आभार व्यक्त करते हुए समापन की घोषणा की। 'भारत माता की जय', 'वंदे मातरम' के उद्घोष के साथ राष्ट्रगान गाते हुए कार्यक्रम समाप्त हुआ

मुख्य विकास अधिकारी के हाथों सम्मानित हुए बलिया के निपुण विद्यालयों के 448 प्रधानाध्यापक
राजेश सिंह गुड्डू सीवन टोला बलिया ! शैक्षिक सत्र 2025-26 के जनवरी-फरवरी माह में निपुण भारत मिशन के तहत डीएलएड प्रशिक्षुओं द्वारा कराए गए आकलन में चयनित 448 निपुण विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों व प्रभारी प्रधानाध्यापकों को गंगा बहुद्देशीय सभागार, कलेक्ट्रेट में मुख्य विकास अधिकारी बलिया श्री ओजस्वी राज एवं जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी श्री मनीष कुमार सिंह के हाथों प्रमाण-पत्र देकर सम्मानित किया गया।कार्यक्रम का उद्घाटन मां सरस्वती के तेल चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलन से किया गया। निपुण भारत मिशन पर चर्चा करते हुए जनपद के एसआरजी आशुतोष कुमार सिंह तोमर, संतोष चंद तिवारी व चित्रलेखा सिंह ने विद्यालयों में किए जा रहे नवाचारों पर प्रकाश डाला।मुख्य अतिथि मुख्य विकास अधिकारी बलिया ने सभी निपुण विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को बधाई देते हुए उनके कार्यों की सराहना की। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी बलिया ने सभी निपुण विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि हमें निश्चिंत होकर नहीं बैठना है। आने वाले नवीन सत्र में नामांकन बढ़ाकर प्रदेश में नई ऊंचाई हासिल करना हमारा लक्ष्य होगा।कार्यक्रम में मुख्य रूप से विजय कुमार, डॉ. संजय कुमार यादव, डॉ. भवतोष पांडेय, अजयकांत, मुमताज अहमद, राम प्रकाश सिंह व बम बहादुर की विशेष भूमिका रही। संचालन डॉ. शशि भूषण मिश्रा ने किया।
आर.एन. इंटरनेशनल स्कूल में वार्षिक परीक्षा परिणाम घोषित, मेधावियों का सम्मान
रामेश्वर प्रजापति छांगुर नगरा(बलिया) आर.एन. इंटरनेशनल स्कूल में सत्र 2025-26 की वार्षिक परीक्षा का परिणाम घोषित किया गया। परिणाम घोषणा के साथ ही विद्यालय परिसर में खुशी और उत्साह का माहौल देखने को मिला। इस अवसर पर उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्र-छात्राओं को सम्मानित किया गया तथा उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की गई। विद्यालय के विभिन्न क्लास में कई विद्यार्थियों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए अपनी प्रतिभा का परिचय दिया। प्रमुख रूप सर्वजीत यादव, श्रेया यादव, अंशिका यादव, अंशिका सिंह, माहिरा, इमरान, सिया गुप्ता, वाणी, खुशी यादव, सुमित कुमार वर्मा, अनुष्का प्रजापति, अनुषा परवीन, अंश यादव, सृष्टि यादव, नजिया खातून, सौम्या गुप्ता, अनंत विजय, अंश सिंह, रोशन शर्मा, अंकित कुमार यादव और अपर्णा यादव अमृता,अर्सिता जैसे विद्यार्थियों के नाम उल्लेखनीय रहे। इन सभी ने कड़ी मेहनत और लगन से विद्यालय का नाम गौरवान्वित किया। विद्यालय के डायरेक्टर श्री विद्यसागर उपाध्याय ने छात्रों को संबोधित करते हुए कहा कि सफलता का मूल मंत्र निरंतर प्रयास और अनुशासन है। उन्होंने विद्यार्थियों को आगे भी इसी प्रकार मेहनत करते हुए ऊंचाइयों को छूने की प्रेरणा दी। वहीं प्रबंधक श्री रामदरश यादव (क्रांति) ने सभी सफल छात्रों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि शिक्षा ही जीवन की सबसे बड़ी ताकत है, जो हर लक्ष्य को प्राप्त करने में सहायक होती है। प्रधानाचार्य श्री सुनील कुमार तिवारी ने कहा कि यह सफलता विद्यार्थियों की लगन और शिक्षकों के मार्गदर्शन का परिणाम है। उन्होंने बच्चों को नियमित अध्ययन और सकारात्मक सोच अपनाने की सलाह दी। इस अवसर पर विद्यालय के शिक्षक-शिक्षिकाओं में मनसा शर्मा, अंजू यादव, प्रियंका गुप्ता, बलिराम, आदित्य यादव, स्वाति वर्मा, स्वाति सिंह, नीलू सिंह, रमेश सर, सुनील, सपना, सहिता, रीना एवं सौम्या मैडम सहित अन्य स्टाफ उपस्थित रहे। सभी ने विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। कार्यक्रम के दौरान अभिभावकों ने भी बच्चों की सफलता पर प्रसन्नता व्यक्त की और विद्यालय के प्रयासों की सराहना रहा।
राम कथा में भाव-विभोर हुए श्रद्धालु, राम गमन प्रसंग सुन छलक पड़े भाव
ामेश्वर प्रजापति छांगुर नगरा (बलिया) स्थानीय पुरानी दुर्गा मंदिर परिसर में चल रहे श्री राम जन्म महोत्सव के अंतर्गत आयोजित राम कथा प्रवचन के सातवें दिन मंगलवार को श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ी। कथा व्यास महाराज विजय कौशिक जी ने भगवान श्रीराम के वन गमन (राम गमन) प्रसंग का मार्मिक वर्णन किया, जिसे सुनकर उपस्थित श्रद्धालु भाव-विभोर हो उठे। कथा के दौरान महाराज जी ने बताया कि जब भगवान श्रीराम ने पिता के वचन की मर्यादा रखते हुए अयोध्या का राज-पाट त्यागकर वन जाने का निर्णय लिया, तब पूरे नगर में शोक की लहर दौड़ गई। माता कौशल्या, सुमित्रा एवं अयोध्यावासियों का विलाप सुन वातावरण भावुक हो उठा। श्रीराम के साथ माता सीता और भाई लक्ष्मण का वन गमन त्याग, प्रेम और कर्तव्य का अद्भुत उदाहरण है। उन्होंने कहा कि भगवान श्रीराम का जीवन हमें कठिन परिस्थितियों में भी धर्म और मर्यादा का पालन करने की प्रेरणा देता है। कथा के इस प्रसंग ने लोगों को जीवन मूल्यों का संदेश दिया, जिसे सुनकर कई श्रद्धालुओं की आंखें नम हो गईं। प्रवचन के उपरांत भगवान श्रीराम की आरती का आयोजन किया गया, जिसमें नगर थाना अध्यक्ष संजय कुमार मिश्रा, पूर्व विधायक धनंजय कनौजिया, मनीष सिंह, श्याम प्रकाश सिंह, डीएन प्रसाद, बिट्टन सिंह, समरजीत सिंह, धनजी, संजय गुप्ता, आशु सिंह सहित अन्य गणमान्य लोगों ने सेवक के रूप में भाग लेकर आरती की। इस दौरान पूरा परिसर “जय श्रीराम” के जयघोष से गूंज उठा। कार्यक्रम में क्षेत्र के अनेक गणमान्य लोग एवं बड़ी संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे।
बलिया की बदहाल स्वास्थ्य व्यवस्था पर सपा नेता का तीखा प्रहार: 'उपमुख्यमंत्री बड़े दावे करते हैं, जमीनी स्तर पर पूरी तरह फेल'
संजीव सिंह बलिया। जनपद की बदहाल स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर समाजवादी पार्टी के जिला उपाध्यक्ष एवं प्रवक्ता सुशील कुमार पाण्डेय “कान्हजी” ने प्रदेश सरकार की कार्यप्रणाली पर तीखा सवाल खड़ा किया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के उपमुख्यमंत्री/स्वास्थ्य मंत्री बड़े-बड़े दावे करने में तो माहिर हैं, लेकिन जमीनी स्तर पर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने में पूरी तरह विफल साबित हो रहे हैं।सोमवार को जारी प्रेस विज्ञप्ति में कान्हजी ने कहा कि आजादी की लड़ाई में अग्रणी भूमिका निभाने वाला बलिया आज अपनी जर्जर स्वास्थ्य व्यवस्था के कारण आंसू बहाने को मजबूर है। हर दिन स्वास्थ्य संबंधी दुखद घटनाएं यहां के लोगों को झकझोर रही हैं, लेकिन सरकार और प्रशासन संवेदनहीन बना हुआ है।उन्होंने आरोप लगाया कि बलिया का जिला अस्पताल अब मात्र रेफरल सेंटर बनकर रह गया है, जहां से मरीजों को मजबूरन निजी अस्पतालों में भेजा जा रहा है। निजी अस्पतालों में आम जनता का खुलेआम शोषण हो रहा है और लोग अपनी जान गंवाने को मजबूर हैं। बावजूद इसके शासन-प्रशासन कोई ठोस कदम नहीं उठा रहा, जो अत्यंत निंदनीय है।कान्हजी ने कहा कि मेडिकल कॉलेज की घोषणा का श्रेय लेने की होड़ में लगी सत्ताधारी पार्टी के नेता केवल धन उगाही और विपक्ष को प्रताड़ित करने में व्यस्त हैं। उन्हें जनपद की जनता के स्वास्थ्य और जीवन से कोई सरोकार नहीं है। बलिया की जर्जर स्वास्थ्य व्यवस्था के लिए यही लोग सबसे बड़े जिम्मेदार हैं।उन्होंने सुझाव दिया कि मेडिकल कॉलेज कब बनेगा, यह भविष्य के गर्भ में है, लेकिन यदि जिला अस्पताल को ही सुदृढ़ कर दिया जाए, तो आम जनता को तत्काल राहत मिल सकती है। समाजवादी पार्टी की सरकार में बने ट्रामा सेंटर को यदि व्यवस्थित ढंग से संचालित किया जाए, तो कई जिंदगियां बचाई जा सकती हैं। लेकिन वर्तमान भाजपा सरकार केवल घोषणाएं करती है, धरातल पर कोई काम नहीं दिखता।अंत में कटाक्ष करते हुए उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार को मंत्रिमंडल विस्तार कर एक “घोषणा मंत्री” की नियुक्ति कर देनी चाहिए, जो प्रतिदिन केवल नई घोषणाएं करता रहे, इससे अन्य मंत्रियों का बोझ भी कम हो जाएगा।बलिया में निर्माणाधीन पुल के गिरने से 2 मज़दूरों की मौत का समाचार बेहद दुखद है। सवाल ये है कि इस हादसे का कारण भ्रष्टाचार है या अनुभवहीनता। जाँच हो और आगामी ‘महा-उद्घाटन’ की भी अच्छे से पड़ताल हो जाए।
सुशील कुमार पाण्डेय कान्हजी सपा प्रवक्ता बलिया
बलिया की बदहाल स्वास्थ्य व्यवस्था पर सपा नेता का तीखा प्रहार: 'उपमुख्यमंत्री बड़े दावे करते हैं, जमीनी स्तर पर पूरी तरह फेल'
संजीव सिंह बलिया। जनपद की बदहाल स्वास्थ्य व्यवस्था को लेकर समाजवादी पार्टी के जिला उपाध्यक्ष एवं प्रवक्ता सुशील कुमार पाण्डेय “कान्हजी” ने प्रदेश सरकार की कार्यप्रणाली पर तीखा सवाल खड़ा किया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश के उपमुख्यमंत्री/स्वास्थ्य मंत्री बड़े-बड़े दावे करने में तो माहिर हैं, लेकिन जमीनी स्तर पर स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने में पूरी तरह विफल साबित हो रहे हैं।सोमवार को जारी प्रेस विज्ञप्ति में कान्हजी ने कहा कि आजादी की लड़ाई में अग्रणी भूमिका निभाने वाला बलिया आज अपनी जर्जर स्वास्थ्य व्यवस्था के कारण आंसू बहाने को मजबूर है। हर दिन स्वास्थ्य संबंधी दुखद घटनाएं यहां के लोगों को झकझोर रही हैं, लेकिन सरकार और प्रशासन संवेदनहीन बना हुआ है।उन्होंने आरोप लगाया कि बलिया का जिला अस्पताल अब मात्र रेफरल सेंटर बनकर रह गया है, जहां से मरीजों को मजबूरन निजी अस्पतालों में भेजा जा रहा है। निजी अस्पतालों में आम जनता का खुलेआम शोषण हो रहा है और लोग अपनी जान गंवाने को मजबूर हैं। बावजूद इसके शासन-प्रशासन कोई ठोस कदम नहीं उठा रहा, जो अत्यंत निंदनीय है।कान्हजी ने कहा कि मेडिकल कॉलेज की घोषणा का श्रेय लेने की होड़ में लगी सत्ताधारी पार्टी के नेता केवल धन उगाही और विपक्ष को प्रताड़ित करने में व्यस्त हैं। उन्हें जनपद की जनता के स्वास्थ्य और जीवन से कोई सरोकार नहीं है। बलिया की जर्जर स्वास्थ्य व्यवस्था के लिए यही लोग सबसे बड़े जिम्मेदार हैं।उन्होंने सुझाव दिया कि मेडिकल कॉलेज कब बनेगा, यह भविष्य के गर्भ में है, लेकिन यदि जिला अस्पताल को ही सुदृढ़ कर दिया जाए, तो आम जनता को तत्काल राहत मिल सकती है। समाजवादी पार्टी की सरकार में बने ट्रामा सेंटर को यदि व्यवस्थित ढंग से संचालित किया जाए, तो कई जिंदगियां बचाई जा सकती हैं। लेकिन वर्तमान भाजपा सरकार केवल घोषणाएं करती है, धरातल पर कोई काम नहीं दिखता।अंत में कटाक्ष करते हुए उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार को मंत्रिमंडल विस्तार कर एक “घोषणा मंत्री” की नियुक्ति कर देनी चाहिए, जो प्रतिदिन केवल नई घोषणाएं करता रहे, इससे अन्य मंत्रियों का बोझ भी कम हो जाएगा।बलिया में निर्माणाधीन पुल के गिरने से 2 मज़दूरों की मौत का समाचार बेहद दुखद है। सवाल ये है कि इस हादसे का कारण भ्रष्टाचार है या अनुभवहीनता। जाँच हो और आगामी ‘महा-उद्घाटन’ की भी अच्छे से पड़ताल हो जाए।
सुशील कुमार पाण्डेय कान्हजी सपा प्रवक्ता बलिया
लोकगीत गायक गोपाल राय ने रामकथा में लिया आशीर्वाद, श्रद्धालुओं को दी चैत्र नवरात्रि की शुभकामनाएं
रामेश्वर प्रजापति छांगुर, नगरा (बलिया)चैत्र नवरात्रि के पावन अवसर पर नगरा के पुरानी दुर्गा मंदिर परिसर में आयोजित रामकथा प्रवचन में प्रसिद्ध लोकगीत गायक गोपाल राय अपने पूरे परिवार के साथ पहुंचे। उन्होंने मंदिर में विधिवत माथा टेककर मां दुर्गा का आशीर्वाद लिया और कथा व्यास महाराज विजय कौशिक जी से दीक्षा ग्रहण की।इस मौके पर गोपाल राय ने उपस्थित श्रद्धालुओं को चैत्र नवरात्रि की हार्दिक शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा, "इस तरह के धार्मिक आयोजन समाज में सकारात्मक ऊर्जा और आध्यात्मिक चेतना का संचार करते हैं।" उन्होंने रामकथा के सफल आयोजन के लिए आयोजक मंडल का आभार जताया, विशेष रूप से बृजेश सिंह बिट्टन जी को धन्यवाद दिया।कार्यक्रम में समरजीत सिंह, धनजी, संजय गुप्ता, बृजेश गुप्ता, राहुल ठाकुर, छांगुर सहित अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित रहे। मंदिर के पुजारी पंडित मुन्ना पांडे एवं निर्भय प्रकाश ने गोपाल राय को चुनरी ओढ़ाकर सम्मानित किया।गोपाल राय के आगमन से श्रद्धालुओं में खासा उत्साह छा गया। बड़ी संख्या में भक्तों ने उनके साथ सेल्फी लीं और फोटो खिंचवाकर पल को यादगार बनाया। रामकथा के दौरान भक्तिमय माहौल रहा, श्रद्धालु कथा श्रवण कर भाव-विभोर नजर आए। आयोजन स्थल पर पूरे समय धार्मिक उत्साह और भक्ति की धारा बही।
निपुण सम्मान समारोह: बलिया के 448 निपुण विद्यालयों के शिक्षकों को मुख्य विकास अधिकारी ने किया सम्मानित
संजीव सिंह बलिया, 25 मार्च 2026: शैक्षिक सत्र 2025-26 के जनवरी-फरवरी माह में निपुण भारत मिशन के तहत डीएलएड प्रशिक्षुओं द्वारा कराए गए आकलन में चयनित 448 निपुण विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों व प्रभारी प्रधानाध्यापकों को गंगा बहुद्देशीय सभागार, कलेक्ट्रेट में मुख्य विकास अधिकारी बलिया श्री ओजस्वी राज एवं जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी श्री मनीष कुमार सिंह के हाथों प्रमाण-पत्र देकर सम्मानित किया गया।कार्यक्रम का उद्घाटन मां सरस्वती के तेल चित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलन से किया गया। निपुण भारत मिशन पर चर्चा करते हुए जनपद के एसआरजी आशुतोष कुमार सिंह तोमर, संतोष चंद तिवारी व चित्रलेखा सिंह ने विद्यालयों में किए जा रहे नवाचारों पर प्रकाश डाला।मुख्य अतिथि मुख्य विकास अधिकारी बलिया ने सभी निपुण विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों को बधाई देते हुए उनके कार्यों की सराहना की। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी बलिया ने सभी निपुण विद्यालयों के प्रधानाध्यापकों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि हमें निश्चिंत होकर नहीं बैठना है। आने वाले नवीन सत्र में नामांकन बढ़ाकर प्रदेश में नई ऊंचाई हासिल करना हमारा लक्ष्य होगा।कार्यक्रम में मुख्य रूप से विजय कुमार, डॉ. संजय कुमार यादव, डॉ. भवतोष पांडेय, अजयकांत, मुमताज अहमद, राम प्रकाश सिंह व बम बहादुर की विशेष भूमिका रही। संचालन डॉ. शशि भूषण मिश्रा ने किया।