लोकतंत्र की आत्मा हैं न्याय, समता और बंधुता : मुख्यमंत्री योगी

* 86वें अखिल भारतीय पीठासीन अधिकारी सम्मेलन के समापन समारोह में मुख्यमंत्री का संबोधन

लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि न्याय, समता और बंधुता संविधान के ऐसे मूल शब्द हैं, जो भारतीय लोकतंत्र की आत्मा का निर्माण करते हैं। इन्हीं मूल्यों के आधार पर देश की लोकतांत्रिक व्यवस्था सुदृढ़ बनी हुई है। मुख्यमंत्री ने बुधवार को राजधानी लखनऊ में आयोजित तीन दिवसीय 86वें अखिल भारतीय पीठासीन अधिकारी सम्मेलन के समापन समारोह को संबोधित करते हुए यह विचार व्यक्त किए। मुख्यमंत्री ने उत्तर प्रदेश आए सभी अतिथियों का स्वागत करते हुए कहा कि विधायिका लोकतंत्र की आधारभूत इकाई है। संविधान की संरक्षक के रूप में विधायिका न केवल कानून निर्माण का कार्य करती है, बल्कि समग्र विकास की कार्ययोजना का भी सशक्त मंच होती है। न्याय कैसे प्राप्त हो, इसका कानूनी स्वरूप विधायिका में तय होता है। समतामूलक समाज की स्थापना के लिए सरकार की योजनाओं की दिशा भी यहीं से निकलती है। वहीं, विधायिका बंधुता का ऐसा उदाहरण प्रस्तुत करती है, जहां सहमति और असहमति के बीच भी संवाद और समन्वय बना रहता है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि देश में लोकतंत्र की सर्वोच्च संस्था अत्यंत मजबूत है और पूरी दुनिया के लिए प्रेरणास्रोत है। सदन के माध्यम से समाज के अंतिम पायदान पर खड़े व्यक्ति की आवाज भी पूरी ताकत के साथ सुनी जाती है। संसद इस पूरी प्रक्रिया का केंद्रबिंदु है, जहां से देश की नीतियां और योजनाएं आकार लेती हैं। पांच बार लोकसभा सदस्य रह चुके मुख्यमंत्री ने अपने संसदीय अनुभव साझा करते हुए कहा कि संसद में रहकर उन्होंने सीखा कि किस प्रकार नियमों और मर्यादाओं के भीतर रहकर सरकार की गतिविधियों को प्रभावी ढंग से आगे बढ़ाया जाता है। उन्होंने कहा कि यदि विधानसभा और विधान परिषद संसद के नियमों और परंपराओं का अध्ययन और प्रशिक्षण ले लें, तो सदन संचालन और अधिक सहज हो सकता है। मुख्यमंत्री ने विधानसभा में प्रश्नकाल की व्यवस्था में किए गए सुधारों का उल्लेख करते हुए कहा कि वर्ष 2022 में विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना के पदभार संभालने के बाद प्रश्नकाल को संसद की तर्ज पर और प्रभावी बनाया गया। अब सवा घंटे के प्रश्नकाल में 20 तारांकित प्रश्नों के साथ अनुपूरक प्रश्न भी पूछे जाते हैं, जिससे अधिक जनप्रतिनिधियों की भागीदारी सुनिश्चित हुई है। उन्होंने कहा कि संसद हमारे लिए प्रेरणा है और उसके प्रति श्रद्धा का भाव हर भारतवासी का दायित्व है। प्रधानमंत्री के कथन “भारत लोकतंत्र की जननी है” का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि महात्मा गांधी की ग्राम स्वराज की परिकल्पना गांवों के माध्यम से साकार हुई। देश में भले ही विविधताएं हों, लेकिन भारत एक भाव और एक भंगिमा के साथ सोचता और बोलता है। संसद इस साझा आस्था को जोड़ने का सबसे सशक्त माध्यम है। मुख्यमंत्री ने सम्मेलन में पारित छह महत्वपूर्ण प्रस्तावों की सराहना करते हुए बताया कि ‘विकसित भारत–विकसित उत्तर प्रदेश’ विषय पर सत्ता पक्ष और विपक्ष के 300 से अधिक सदस्यों ने 24 घंटे तक चर्चा की। उन्होंने कहा कि विकसित भारत केवल केंद्र सरकार का लक्ष्य नहीं, बल्कि हम सभी की साझा जिम्मेदारी है। सीएम योगी ने वर्ष में कम से कम 30 बैठकों के प्रस्ताव का स्वागत करते हुए कहा कि यह संसद, विधानसभा ही नहीं, बल्कि नगर निकायों और पंचायतों के लिए भी प्रेरणादायी है। उन्होंने कहा कि तकनीक के युग में ई-विधान जैसी पहल से उत्तर प्रदेश की विधानसभा, परिषद, कैबिनेट और बजट पूरी तरह पेपरलेस हो चुके हैं। मुख्यमंत्री ने बताया कि ‘विकसित भारत–विकसित उत्तर प्रदेश’ के लिए पोर्टल पर 98 लाख लोगों के सुझाव प्राप्त हुए हैं, जिन्हें आईआईटी कानपुर के सहयोग से एआई टूल के माध्यम से विजन डॉक्यूमेंट का रूप दिया जा रहा है। समारोह में लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला, राज्यसभा के उपसभापति हरिवंश, विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना, विधान परिषद के सभापति कुंवर मानवेंद्र सिंह सहित विभिन्न राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों से आए गणमान्य अतिथि उपस्थित रहे।
एन जे एस तेलीबाग का दबदबा, एवेंजर 11 को 128 रन से दी करारी शिकस्त

जिज्ञासा कप – सीजन 1, मैच 5

लखनऊ। जिज्ञासा कप– सीजन 1 के पाँचवें मुकाबले में एन जे एस तेलीबाग और एवेंजर 11 के बीच खेले गए मैच में एन जे एस तेलीबाग ने एकतरफा प्रदर्शन करते हुए शानदार जीत दर्ज की।

टॉस जीतकर पहले बल्लेबाज़ी करने उतरी एन जे एस तेलीबाग की टीम ने आक्रामक अंदाज में खेलते हुए निर्धारित ओवरों में 257 रन का विशाल स्कोर खड़ा किया। टीम की ओर से अभय यादव ने बेहतरीन बल्लेबाज़ी करते हुए मात्र 57 गेंदों में 72 रन की शानदार अर्धशतकीय पारी खेली। उनका भरपूर साथ आशुतोष पांडे ने निभाया, जिन्होंने 44 गेंदों पर 59 रन बनाकर पारी को मजबूती दी।

एवेंजर 11 की ओर से गेंदबाज़ी में यजत सिंह और दीपक ने 2-2 विकेट हासिल किए, जबकि अंश और जिगर को 1-1 विकेट से संतोष करना पड़ा।

257 रन के बड़े लक्ष्य का पीछा करने उतरी एवेंजर 11 की टीम शुरुआत से ही दबाव में नज़र आई और एन जे एस तेलीबाग के गेंदबाज़ों के सामने पूरी तरह बिखर गई। पूरी टीम केवल 129 रन पर सिमट गई।

एन जे एस तेलीबाग की ओर से गोकुल ने ऑलराउंड प्रदर्शन करते हुए गेंदबाज़ी में 3 महत्वपूर्ण विकेट झटके, वहीं बल्लेबाज़ी में 51 गेंदों पर 43 रन की उपयोगी पारी खेली।

इस तरह एन जे एस तेलीबाग ने एवेंजर 11 को 128 रन से पराजित कर मुकाबला अपने नाम किया।

मैन ऑफ द मैच:
* गोकुल – शानदार ऑलराउंड प्रदर्शन के लिए
KGMU ट्रॉमा सेंटर में 24 घंटे निशुल्क इलाज की नई व्यवस्था, 26 जनवरी से पहले लागू करने की तैयारी

लखनऊ। किंग जॉर्ज चिकित्सा विश्वविद्यालय (KGMU) के ट्रॉमा सेंटर में भर्ती मरीजों और सड़क दुर्घटना में घायल लोगों को अब 24 घंटे तक शुरुआती इलाज निशुल्क मिलेगा। इसके लिए विश्वविद्यालय प्रशासन नई व्यवस्था लागू करने की तैयारी में जुटा है, जिसे 26 जनवरी से पहले शुरू करने का लक्ष्य रखा गया है।

नई योजना के तहत ट्रॉमा सेंटर में आने वाले मरीज का परचा बनते ही उसका एक वर्चुअल खाता खोला जाएगा। पहले चरण में इस खाते में 10 हजार रुपये डाले जाएंगे। इसी राशि से मरीज की जांच और दवाओं की रसीदें जारी की जाएंगी। जरूरत पड़ने पर खाते में अतिरिक्त धनराशि भी डाली जाएगी, ताकि इलाज में किसी तरह की बाधा न आए।

इस योजना का लाभ ट्रॉमा सेंटर में भर्ती सभी मरीजों और घायलों को मिलेगा। हालांकि, इंप्लांट का खर्च इस निशुल्क इलाज व्यवस्था में शामिल नहीं होगा।

नई प्रणाली को सुचारु रूप से लागू करने के लिए परचा और रसीद से जुड़े कर्मियों को विशेष प्रशिक्षण दिया जा रहा है। अधिकारियों के अनुसार, इस व्यवस्था से संस्थान पर हर माह करीब 2 से 3 करोड़ रुपये का अतिरिक्त आर्थिक भार पड़ेगा, लेकिन इससे आपातकालीन मरीजों को तत्काल इलाज सुनिश्चित किया जा सकेगा।

KGMU प्रशासन का मानना है कि इस पहल से गंभीर रूप से घायल मरीजों की जान बचाने में मदद मिलेगी और इलाज में होने वाली देरी भी कम होगी
वरिष्ठ पत्रकार के. बख्श सिंह बने एनयूजे उत्तर प्रदेश के कार्यवाहक अध्यक्ष

एनयूजे प्रयागराज के कैलेन्डर का नवनियुक्त प्रदेश अध्यक्ष ने किया अनावरण


लखनऊ । उतर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में नेशनल यूनियन ऑफ जर्नलिस्ट्स, उत्तर प्रदेश (एनयूजे) की प्रदे श कार्यकारिणी बैठक में संगठनात्मक दृष्टि से अहम निर्णय लिए गए। बैठक में वरिष्ठ पत्रकार के. बख्श सिंह को कार्यवाहक प्रदेश अध्यक्ष नामित किया गया। इसके साथ ही ट्रस्ट डीड रजिस्ट्रेशन से जुड़े विवाद पर कड़ा रुख अपनाते हुए तीन महत्वपूर्ण प्रस्ताव सर्वसम्मति से पारित किए गए।
रविवार को राजधानी लखनऊ स्थित होटल द कॉन्टिनेंटल में आयोजित प्रदेश कार्यकारिणी बैठक में प्रदेश कार्यसमिति के पदाधिकारियों के साथ-साथ अधिकांश जनपद इकाइयों के अध्यक्ष, महामंत्री और कोषाध्यक्ष उपस्थित रहे। बैठक का संचालन प्रदेश महामंत्री संतोष भगवन ने किया। इस दौरान संरक्षक अजय कुमार, अशोक अग्निहोत्री और के. बख्श सिंह संरक्षत्व में मंच साझा किया गया। मंच पर प्रदेश कोषाध्यक्ष अनुपम चौहान भी मौजूद रहे। इसी बीच प्रयागराज इकाई के कोषाध्यक्ष मनोज कुमार का जन्मदिन केक काटकर मनाया गया।
के. बख्श सिंह बने कार्यवाहक अध्यक्ष
बैठक की शुरुआत में प्रदेश उपाध्यक्ष विवेक कुमार जैन ने के. बख्श सिंह को कार्यवाहक अध्यक्ष नामित करने का प्रस्ताव रखा, जिसे संरक्षक अजय कुमार ने समर्थन दिया। सभागार में मौजूद सभी सदस्यों ने खड़े होकर तालियों की गड़गड़ाहट के साथ प्रस्ताव का स्वागत किया। इसके बाद प्रदेश उपाध्यक्ष निर्भय सक्सेना ने कार्यवाहक अध्यक्ष के नेतृत्व में आगे की कार्यवाही संचालित करने की बात कही।
संगठन और ट्रस्ट विवाद पर तीखे विचार
इसी बीच, प्रदेश उपाध्यक्ष हिमांशु सिंह ने कहा कि किसी भी निजी ट्रस्ट को पत्रकार संगठन की मान्यता नहीं दी जा सकती। उन्होंने स्पष्ट किया कि संगठन का नेतृत्व ऐसा होना चाहिए जो पत्रकारों के जायज़ मुद्दों को मजबूती से उठा सके। प्रदेश प्रवक्ता डॉ. अतुल मोहन सिंह ने संगठन में समान सम्मान और समभाव की आवश्यकता पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि सामान्य सदस्य भी उतना ही महत्वपूर्ण है जितना शीर्ष नेतृत्व।

प्रदेश सचिव राकेश श्रीवास्तव, राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य हरीश सैनी, प्रयागराज जिलाध्यक्ष कुंदन श्रीवास्तव, चंदौली जिलाध्यक्ष दीपक सिंह, सुल्तानपुर सदस्य अरुण जायसवाल एवं श्याम चंद्र श्रीवास्तव, आजमगढ़ से आये डॉ. संतोष श्रीवास्तव सहित कई वक्ताओं ने संगठनात्मक एकता, पारदर्शिता और सक्रिय नेतृत्व की आवश्यकता पर अपने विचार रखे। इसके बाद लखनऊ की कार्यवाहक जिलाध्यक्ष मीनाक्षी वर्मा ने सभी जनपद इकाइयों को पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया।

“हम रेखा मिटाने में नहीं, नई रेखा बनाने में विश्वास करते हैं”

संरक्षक अजय कुमार ने कहा कि संगठन की शक्ति उसकी एकता में होती है। उन्होंने कार्यवाहक अध्यक्ष के. बख्श सिंह को संगठन का मजबूत स्तंभ बताते हुए कहा कि उनकी सक्रियता से पत्रकारों की समस्याओं का समाधान होगा। कार्यवाहक अध्यक्ष के. बख्श सिंह ने कहा कि वे किसी बड़े वादे की बजाय सदस्यों की उम्मीदों, आशाओं और आकांक्षाओं पर खरा उतरने का ईमानदार प्रयास करेंगे और संगठन को मजबूत बनाने के लिए प्रतिबद्ध रहेंगे।

केंद्रीय नेतृत्व का बड़ा ऐलान

संरक्षक एवं राष्ट्रीय कोषाध्यक्ष डॉ. अरविंद सिंह ने स्पष्ट किया कि विवाद की जड़ बने नवगठित ट्रस्ट को तत्काल प्रभाव से समाप्त किया जाएगा। उन्होंने यह भी घोषणा की कि जल्द ही उत्तर प्रदेश इकाई के चुनाव कराए जाएंगे, जो केंद्रीय पर्यवेक्षक और चुनाव अधिकारी की देखरेख में स्वतंत्र एवं निष्पक्ष होंगे। लखनऊ इकाई की ओर से कार्यवाहक जिलाध्यक्ष मीनाक्षी वर्मा, महामंत्री श्यामल त्रिपाठी और कोषाध्यक्ष अभिनव श्रीवास्तव और संगठन मंत्री अनिल सिंह के नेतृत्व में प्रदेश भर से आए पदाधिकारियों का भव्य स्वागत किया गया। इस अवसर पर शिव सागर सिंह, पंकज सिंह चौहान, पूनम कुमारी, शिवेंद्र पाण्डेय, आलोक श्रीवास्तव, मनीषा सिंह, टीटू शर्मा, नागेंद्र सिंह, किरन सिंह, फरहान इराकी, रोलैंड डिसूजा, सचिन भार्गव, के.के. सिंह समेत बड़ी संख्या में सदस्य उपस्थित रहे।
महोबा में दबंगों का खौफनाक हमला: पिता की तेरहवीं पर बेटे की चाकुओं से हत्या, 5 घायल
लखनऊ /महोबा। उत्तर प्रदेश के महोबा जिले के लेवा गांव में सोमवार की देर शाम एक सनसनीखेज वारदात ने पूरे इलाके को दहशत में डाल दिया। पिता की तेरहवीं के दिन 25 वर्षीय विकास यादव को दबंगों ने चाकुओं से हमला कर मौत के घाट उतार दिया। बीच-बचाव के प्रयास में आए 5 अन्य परिजन भी घायल हो गए।

घटना के अनुसार, राम कृपाल की तेरहवीं का कार्यक्रम चल रहा था। इसी दौरान बाइक सवार दबंग अजय यादव और उसके साथियों ने धारदार हथियार से लैस होकर विकास पर हमला कर दिया। युवक की पिटाई होती देख परिवार के अन्य सदस्य बीच-बचाव के लिए आए, लेकिन वे भी हत्यारे के कोप का शिकार हुए। आरोपियों ने वारदात को अंजाम देने के बाद जान-माल की धमकी देते हुए मौके से फरार हो गए।

परिजन घायल लोगों को तुरंत जिला अस्पताल लेकर पहुंचे। डॉक्टरों ने विकास को मृत घोषित कर दिया, जबकि अनिल (22) को नाजुक हालत में मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। वहीं मृतक के भाई आकाश (23), सुर्जन सिंह (45) और बाबू (22) का जिला अस्पताल में उपचार चल रहा है।
पिता की तेरहवीं पर पुत्र की हत्या से पूरे गांव में कोहराम मच गया। कुलपहाड़ क्षेत्राधिकारी रविकांत गौड़ ने बताया कि पीड़ित की तहरीर के आधार पर मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी गई है और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए पुलिस टीमों को लगाया गया है।
सहारनपुर में खून से सनी सुबह: किराए के मकान में अमीन ने पूरे परिवार को गोलियों से भून डाला? मां-पत्नी और दो मासूम बेटों की लाशें मिलीं
लखनऊ /सहारनपुर।उत्तर प्रदेश के सहारनपुर जिले के सरसावा कस्बे में मंगलवार की सुबह ऐसी खौफनाक तस्वीर सामने आई, जिसने पूरे इलाके को दहला दिया। एक किराए के मकान के अंदर संग्रह अमीन समेत उसके पूरे परिवार के पांच सदस्यों के गोली लगे शव मिलने से हड़कंप मच गया। एक ही घर में मां, पत्नी और दो नाबालिग बेटों की लाशें देख पड़ोसियों की रूह कांप उठी।

मौके पर पहुंचे पुलिसकर्मी भी कुछ पल के लिए सन्न रह गए

मृतकों की पहचान नकुड़ तहसील में तैनात संग्रह अमीन अशोक (40), उनकी पत्नी अंजिता (37), मां विद्यावती (70) और दो बेटे कार्तिक (16) व देव (13) के रूप में हुई है। घर का नजारा इतना भयावह था कि मौके पर पहुंचे पुलिसकर्मी भी कुछ पल के लिए सन्न रह गए।

कमरे के अंदर बिखरा खून, अलग-अलग जगह मिले शव

पुलिस के अनुसार, अमीन अशोक और उनकी पत्नी अंजिता का शव कमरे के फर्श पर पड़ा मिला, जबकि वृद्ध मां और दोनों नाबालिग बेटे बेड पर मृत अवस्था में पाए गए। शुरुआती जांच में सामने आया है कि अशोक को कनपटी या सीने पर गोली लगी, जबकि मां, पत्नी और दोनों बच्चों के माथे पर गोली मारी गई है। इससे पूरे घटनाक्रम को लेकर कई सवाल खड़े हो गए हैं।

तीन तमंचे बरामद, मोबाइल जब्त

घटनास्थल से पुलिस ने तीन तमंचे बरामद किए हैं, जो शवों के पास ही पड़े मिले। फॉरेंसिक टीम ने पूरे घर को सील कर दिया है और सभी मोबाइल फोन कब्जे में लेकर जांच शुरू कर दी गई है। डॉग स्क्वॉड और फॉरेंसिक विशेषज्ञ हर एंगल से सबूत जुटा रहे हैं।

आत्महत्या या सामूहिक हत्या? उलझी गुत्थी

पुलिस फिलहाल हत्या और आत्महत्या—दोनों पहलुओं से मामले की जांच कर रही है। सवाल यह है कि क्या अशोक ने पहले अपने परिवार को गोली मारी और फिर खुद को मौत के घाट उतार लिया, या फिर इसके पीछे कोई और खौफनाक साजिश है? अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और फॉरेंसिक जांच के बाद ही मौत के सही कारणों से पर्दा उठ सकेगा।

शांत था परिवार, कोई विवाद नहीं

पड़ोसियों के मुताबिक, अशोक का परिवार बेहद शांत स्वभाव का था। किसी से कोई झगड़ा या विवाद सामने नहीं आया था। दोनों बेटे पढ़ाई में अच्छे थे—देव कस्बे के एमटीएस पब्लिक स्कूल में कक्षा 9 का छात्र था, जबकि कार्तिक नकुड़ के एक इंटर कॉलेज में कक्षा 10 में पढ़ता था। अचानक हुई इस सामूहिक मौत ने पूरे इलाके को सदमे में डाल दिया है।

इलाके में मातम और दहशत

घटना के बाद सरसावा कस्बे में शोक और दहशत का माहौल है। हर कोई यही सवाल पूछ रहा है कि आखिर ऐसा क्या हुआ कि एक पूरा परिवार गोलियों का शिकार हो गया। पुलिस का कहना है कि मामले की हर परत को खोला जाएगा और सच सामने लाया जाएगा, चाहे वह कितना भी भयावह क्यों न हो।
एटा में परिवार पर नरसंहार: ईंट से सिर कुचले, चार की हत्या ने पूरे गांव को हिलाकर रख दिया
लखनऊ /एटा।उत्तर प्रदेश के एटा जिले के गांव नगला प्रेमी में रविवार दोपहर एक ऐसा खौफनाक घटनाक्रम सामने आया जिसने पूरे इलाके को दहशत में डाल दिया। गांव में एक ही परिवार के चार सदस्यों—गंगा सिंह शाक्य (70), उनकी पत्नी श्यामा देवी (65), पुत्रवधू रत्ना देवी (48) और पौत्री ज्योति (22)—को बेरहमी से मारा गया। हत्यारे ने घर में घुसकर ईंट से सिर और चेहरे पर कई बार वार कर उन्हें मौत के घाट उतारा।

देवांश जब पहुंचा तब हुई घटना की जानकारी

मकान के भीतर दृश्य इतना भयावह था कि पुलिस और फॉरेंसिक टीम भी सदमे में आ गई। नीचे कमरे में गंगा सिंह का शव चारपाई पर पड़ा था, ऊपर की मंजिल पर रत्ना और ज्योति के शव फर्श और बेड पर बिखरे थे। श्यामा देवी गंभीर रूप से घायल पाई गईं, जिन्हें तुरंत मेडिकल कॉलेज ले जाया गया, लेकिन इलाज के दौरान उनकी भी मौत हो गई।इस सामूहिक हत्या का खुलासा तब हुआ, जब गंगा सिंह का 12 वर्षीय पोता देवांश स्कूल से घर लौटा और उसने सभी शव देखे। मासूम की चीख सुनकर आसपास के लोग और पुलिस घटनास्थल पर पहुंचे।


पुलिस ने तीनों मंजिलों को सील कर साक्ष्य जुटाना शुरू कर दिया

पुलिस ने तीनों मंजिलों को सील कर साक्ष्य जुटाना शुरू कर दिया है। घटनास्थल से ईंट बरामद हुई है, जिसे हत्यारे ने वार करने के लिए इस्तेमाल किया। फिलहाल पुलिस हत्या और अन्य संभावित एंगल्स की जांच कर रही है। पड़ोसियों का कहना है कि परिवार शांत और विवादमुक्त था।पुलिस अधिकारियों ने कहा कि पोस्टमार्टम और फॉरेंसिक रिपोर्ट आने के बाद ही हत्या की सटीक वजह सामने आएगी। इस जघन्य कांड ने गांव नगला प्रेमी में खौफ और मातम फैला दिया है।
ठंड की विदाई पर फिर ब्रेक: 22–25 जनवरी तक यूपी समेत 9 राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट, तेज आंधी और कोहरे से बढ़ेंगी मुश्किलें

लखनऊ। देश में ठंड की विदाई की उम्मीद कर रहे लोगों को एक बार फिर झटका लग सकता है। भारतीय मौसम विभाग (आईएमडी) ने 22 से 25 जनवरी के बीच उत्तर भारत के कई राज्यों में मौसम के बिगड़ने का अलर्ट जारी किया है। यूपी, हिमाचल प्रदेश सहित कुल 9 राज्यों में तेज बारिश और आंधी की चेतावनी दी गई है, जिससे तापमान में फिर गिरावट आने की संभावना है।

मौसम विभाग के अनुसार इस दौरान हरियाणा, उत्तराखंड, पश्चिमी और पूर्वी उत्तर प्रदेश तथा राजस्थान के कई इलाकों में मध्यम से भारी बारिश हो सकती है। साथ ही 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की आशंका जताई गई है। सुबह के समय घने कोहरे के कारण सड़क और रेल यातायात प्रभावित हो सकता है।

आईएमडी ने बताया कि  22 से 24 जनवरी के बीच पश्चिमी हिमालयी क्षेत्रों में भारी बारिश के साथ बर्फबारी के भी आसार हैं। मौसम के इस बदलाव से उत्तर भारत के अधिकांश राज्यों में ठंड बढ़ने की उम्मीद है। प्रशासन ने लोगों को सतर्क रहने और आवश्यक सावधानियां बरतने की सलाह दी है।
नोएडा हादसे पर सख्त कदम: सीईओ हटाए गए, आज SIT करेगी गहन जांच
लखनऊ /नोएडा । नोएडा में मॉल के बेसमेंट के लिए खोदे गए गहरे गड्ढे में पानी भर जाने से एक युवा सॉफ्टवेयर इंजीनियर की दर्दनाक मौत के बाद सरकार ने बड़ा प्रशासनिक फैसला लिया है। मामले को लेकर बढ़ते जनआक्रोश और लापरवाही के आरोपों के बीच राज्य सरकार ने नोएडा प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (सीईओ) लोकेश एम को उनके पद से हटा दिया है। साथ ही पूरे घटनाक्रम की जांच के लिए तीन सदस्यीय विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया गया है, जिसे पांच दिन के भीतर रिपोर्ट सौंपने के निर्देश दिए गए हैं।

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने 27 वर्षीय सॉफ्टवेयर इंजीनियर युवराज मेहता की मौत का संज्ञान लेते हुए सोमवार को तत्काल जांच के आदेश दिए। इसके बाद देर शाम सीईओ को हटाने का आदेश जारी कर दिया गया। फिलहाल उन्हें प्रतीक्षारत रखा गया है। 2005 बैच के आईएएस अधिकारी लोकेश एम नोएडा प्राधिकरण के साथ-साथ नोएडा मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन के प्रबंध निदेशक की जिम्मेदारी भी संभाल रहे थे।

इस हादसे के बाद नोएडा प्राधिकरण और बिल्डरों की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। प्रशासन की ओर से पहले ही कुछ अधिकारियों पर कार्रवाई की जा चुकी है। एक जूनियर इंजीनियर को सेवा से बर्खास्त किया गया है, जबकि दो बिल्डरों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई है। आरोप है कि मॉल के बेसमेंट के निर्माण के दौरान सुरक्षा मानकों की अनदेखी की गई और बारिश के पानी की निकासी के कोई पुख्ता इंतजाम नहीं किए गए।

पूरे मामले की जांच के लिए गठित एसआईटी का नेतृत्व मेरठ जोन के अपर पुलिस महानिदेशक (एडीजी) भानु भास्कर करेंगे। टीम में मेरठ के मंडलायुक्त हृषिकेश भास्कर और लोक निर्माण विभाग के मुख्य अभियंता अजय वर्मा भी शामिल हैं। जांच दल मंगलवार को नोएडा पहुंचकर घटनास्थल का निरीक्षण करेगा और जिम्मेदार अधिकारियों व बिल्डरों की भूमिका की पड़ताल करेगा।

पोस्टमार्टम रिपोर्ट में युवराज मेहता की मौत का कारण दम घुटना बताया गया है। रिपोर्ट के अनुसार, लंबे समय तक ठंडे पानी में फंसे रहने से उसके फेफड़ों में लगभग साढ़े तीन लीटर पानी भर गया था, जिससे ऑक्सीजन की आपूर्ति बाधित हो गई। शरीर पर अत्यधिक दबाव पड़ने के कारण हार्ट फेलियर की स्थिति भी बनी।

इस घटना ने नोएडा में निर्माण कार्यों की निगरानी और सुरक्षा इंतजामों पर बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है। सरकार ने स्पष्ट किया है कि एसआईटी की रिपोर्ट के आधार पर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
बहसूमा नगर पंचायत ने 159 लाभार्थियों के नाम चयनित कराए
बहसूमा। मेरठ।नगर पंचायत बहसूमा में प्रधानमंत्री आवास योजना को लेकर एक ऐतिहासिक उपलब्धि दर्ज की गई है। योजना के अंतर्गत पूरे जिले में बहसूमा नगर पंचायत ने 159 लाभार्थियों के नाम चयनित कराए हैं। यह बहसूमा के इतिहास में पहली बार हुआ है जब प्रधानमंत्री आवास योजना में नगर पंचायत ने जिले में शीर्ष स्थान हासिल किया हो। इस उपलब्धि से नगर क्षेत्र की जनता में हर्ष और उत्साह का माहौल बना हुआ है।

इस अवसर पर नगर पंचायत बहसूमा के अध्यक्ष सचिव सुकड़ी ने कहा कि यह सफलता सभी सभासदों, कर्मचारियों और नगरवासियों के सहयोग व मेहनत का परिणाम है। उन्होंने बताया कि योजना का लाभ पात्र लोगों तक पारदर्शी तरीके से पहुंचाने के लिए लगातार प्रयास किए गए, जिसका सकारात्मक परिणाम आज सामने आया है। नगर पंचायत के कार्यों की सराहना करते हुए जनता ने बोर्ड का आभार व्यक्त किया।

प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत चयनित लाभार्थियों को प्रमाण पत्र वितरण का कार्यक्रम मेरठ यूनिवर्सिटी सभागार में आयोजित किया गया। कार्यक्रम में जिलाधिकारी मेरठ की उपस्थिति में लाभार्थियों को प्रमाण पत्र वितरित किए गए। इस दौरान लाभार्थियों के चेहरों पर खुशी साफ झलक रही थी, क्योंकि यह योजना उनके पक्के मकान के सपने को साकार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।

बताया गया कि प्रधानमंत्री शहरी आवास योजना के अंतर्गत लाभार्थियों के खातों में ₹1,00,000 की राशि का वितरण किया गया। वहीं बहसूमा नगर पंचायत क्षेत्र में कुल ₹1 करोड़ 59 लाख रुपये की धनराशि सीधे जनता के खातों में डाली गई है। इस आर्थिक सहायता से लाभार्थी अपने आवास निर्माण कार्य को तेजी से पूरा कर सकेंगे।

नगर पंचायत बहसूमा की इस उपलब्धि को क्षेत्र के विकास की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है। योजना की सफलता से नगरवासियों में विश्वास बढ़ा है और भविष्य में भी इसी प्रकार जनकल्याणकारी योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू करने की उम्मीद जताई जा रही है।