बहसूमा नगर पंचायत ने 159 लाभार्थियों के नाम चयनित कराए
बहसूमा। मेरठ।नगर पंचायत बहसूमा में प्रधानमंत्री आवास योजना को लेकर एक ऐतिहासिक उपलब्धि दर्ज की गई है। योजना के अंतर्गत पूरे जिले में बहसूमा नगर पंचायत ने 159 लाभार्थियों के नाम चयनित कराए हैं। यह बहसूमा के इतिहास में पहली बार हुआ है जब प्रधानमंत्री आवास योजना में नगर पंचायत ने जिले में शीर्ष स्थान हासिल किया हो। इस उपलब्धि से नगर क्षेत्र की जनता में हर्ष और उत्साह का माहौल बना हुआ है।

इस अवसर पर नगर पंचायत बहसूमा के अध्यक्ष सचिव सुकड़ी ने कहा कि यह सफलता सभी सभासदों, कर्मचारियों और नगरवासियों के सहयोग व मेहनत का परिणाम है। उन्होंने बताया कि योजना का लाभ पात्र लोगों तक पारदर्शी तरीके से पहुंचाने के लिए लगातार प्रयास किए गए, जिसका सकारात्मक परिणाम आज सामने आया है। नगर पंचायत के कार्यों की सराहना करते हुए जनता ने बोर्ड का आभार व्यक्त किया।

प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत चयनित लाभार्थियों को प्रमाण पत्र वितरण का कार्यक्रम मेरठ यूनिवर्सिटी सभागार में आयोजित किया गया। कार्यक्रम में जिलाधिकारी मेरठ की उपस्थिति में लाभार्थियों को प्रमाण पत्र वितरित किए गए। इस दौरान लाभार्थियों के चेहरों पर खुशी साफ झलक रही थी, क्योंकि यह योजना उनके पक्के मकान के सपने को साकार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।

बताया गया कि प्रधानमंत्री शहरी आवास योजना के अंतर्गत लाभार्थियों के खातों में ₹1,00,000 की राशि का वितरण किया गया। वहीं बहसूमा नगर पंचायत क्षेत्र में कुल ₹1 करोड़ 59 लाख रुपये की धनराशि सीधे जनता के खातों में डाली गई है। इस आर्थिक सहायता से लाभार्थी अपने आवास निर्माण कार्य को तेजी से पूरा कर सकेंगे।

नगर पंचायत बहसूमा की इस उपलब्धि को क्षेत्र के विकास की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है। योजना की सफलता से नगरवासियों में विश्वास बढ़ा है और भविष्य में भी इसी प्रकार जनकल्याणकारी योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू करने की उम्मीद जताई जा रही है।
मोहम्मदपुर सकिश्त में सफाई के नाम पर खानापूर्ति अधिकारियों की मिली भगत


बहसूमा (मेरठ)। मोहम्मदपुर सकिस्त गांव में सफाई व्यवस्था पूरी तरह से चरमराई हुई है। ग्राम पंचायत द्वारा सफाई के नाम पर केवल खानापूर्ति की जा रही है। गांव की गलियों में जगह-जगह कूड़े के ढेर लगे हुए हैं और नालियां जाम पड़ी हैं, जिससे बदबू फैल रही है और ग्रामीणों का जीना दूभर हो गया है।

ग्रामीण धीर सिंह, परविंदर सिंह, नेपाल सिंह सहित अन्य ग्रामीणों का कहना है कि इस समस्या से संबंधित अधिकारियों को कई बार अवगत कराया जा चुका है, लेकिन शिकायतों के बावजूद जिम्मेदार अधिकारियों ने अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की। हालात को देखते हुए अधिकारियों की लापरवाही के साथ-साथ मिलीभगत की आशंका भी जताई जा रही है।

सफाई व्यवस्था को लेकर गांव में भारी आक्रोश व्याप्त है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र ही सफाई व्यवस्था दुरुस्त नहीं कराई गई तो वे गांव के लोग धरना देने पर मजबूर होंगे, जिसकी पूरी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी। हस्तिनापुर ऐडियो पंचायत हस्तिनापुर वीडियो साहब सेक्रेटरी सुरजीत सिंह को कई बार करा चुके हैं अवगत नहीं हो पाया समाधान ग्राम सचिव सुरजीत कुमार कहते हैं कि 2 दिन में समाधान कर दिया जाएगा
कीचड़ से परेशान ग्रामीण, शिकायतों के बाद भी नहीं हुआ समाधान
बहसूमा/ मेरठ।क्षेत्र के एक गांव में मकान के सामने से गुजरने वाले रास्ते पर लगातार कीचड़ रहने से ग्रामीणों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस संबंध में मनोज पुत्र विजयपाल ने बताया कि उनके मकान के सामने से जाने वाला रास्ता लंबे समय से कीचड़ से भरा हुआ है, जिससे आवागमन करना दूभर हो गया है। बरसात या पानी गिरते ही रास्ता दलदल में तब्दील हो जाता है और बच्चों, बुजुर्गों व महिलाओं को खासा दिक्कतों का सामना करना पड़ता है।

मनोज ने आरोप लगाया कि इस समस्या को लेकर कई बार संबंधित सचिव सचिन को अवगत कराया गया। उनसे बार-बार आग्रह किया गया कि रास्ते पर ईंटों का खड़ंजा लगवा दिया जाए, ताकि लोगों को राहत मिल सके। लेकिन हर बार सचिव द्वारा केवल “कल करवा देंगे” या “प्रस्ताव भेज दिया है” जैसे आश्वासन ही दिए जाते रहे। महीनों बीत जाने के बावजूद आज तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हो पाई है।

ग्रामीणों का कहना है कि सचिव आए दिन इसी तरह टालमटोल करते रहते हैं, जिससे समस्या जस की तस बनी हुई है। रास्ते में कीचड़ होने के कारण  कपड़े खराब हो जाते हैं, दोपहिया वाहन फिसलने का खतरा बना रहता है और पैदल चलना भी मुश्किल हो गया है।

इस मामले को लेकर ग्रामीणों में भारी रोष व्याप्त है। लोगों ने मांग की है कि जल्द से जल्द रास्ते पर ईंटों का खड़ंजा या पक्का निर्माण कराया जाए, ताकि वर्षों से चली आ रही इस समस्या से निजात मिल सके। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि शीघ्र समाधान नहीं हुआ तो वे उच्च अधिकारियों से शिकायत करने को मजबूर होंगे। ग्राम सचिव सुरजीत सिंह ने बताया कि इसका एस्टीमेट हो गया है और एक-दो दिन से काम चालू हो जाएगा किसनो की परेशानी समाप्त की जाएगी
कस्बे में लाइट हुई गुल ग्रामीणो मे रोष
बहसुमा। मेरठ।बहसुमा कस्बे के मंगल बाजार क्षेत्र में नगर पंचायत द्वारा लगाई गई स्ट्रीट लाइटें लंबे समय से बंद पड़ी होने के कारण ग्रामीणों और व्यापारियों में भारी रोष व्याप्त है। बाजार क्षेत्र में अंधेरा छाए रहने से आमजन को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। शाम ढलते ही बाजार में रोशनी का अभाव होने से दुकानदारों, ग्राहकों और राहगीरों को आवागमन में कठिनाई हो रही है।

स्थानीय लोगों का कहना है कि मंगल बाजार क्षेत्र बहसुमा का प्रमुख व्यापारिक केंद्र है, जहां प्रतिदिन सैकड़ों ग्रामीण खरीदारी के लिए आते हैं। लाइटें बंद होने के कारण बाजार में अंधेरा पसरा रहता है, जिससे चोरी, छिनैती और अन्य आपराधिक घटनाओं की आशंका बनी रहती है। विशेषकर महिलाओं, बुजुर्गों और बच्चों को इस अंधेरे में निकलने में भय महसूस होता है।

ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि कई बार नगर पंचायत के अधिकारियों को लाइट खराब होने की सूचना दी जा चुकी है, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। लोगों का कहना है कि नगर पंचायत की उदासीनता के चलते समस्या दिन-प्रतिदिन गंभीर होती जा रही है। बरसात और सर्दी के मौसम में अंधेरे के कारण दुर्घटनाओं का खतरा भी बढ़ गया है।

इस संबंध में स्थानीय निवासी रविंद्र कुमार, रोहित सिंह, कृपाल सिंह, बिजेंद्र सिंह सहित अन्य लोगों ने नाराजगी जताते हुए शीघ्र लाइटें चालू कराने की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि जल्द ही समस्या का समाधान नहीं किया गया तो वे नगर पंचायत कार्यालय पर धरना-प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे।

ग्रामीणों ने प्रशासन से मांग की है कि मंगल बाजार क्षेत्र में बंद पड़ी सभी स्ट्रीट लाइटों की तत्काल मरम्मत कर उन्हें चालू कराया जाए, ताकि बाजार में सुरक्षा व्यवस्था मजबूत हो सके और लोगों को राहत मिल सके। नगर पंचायत से जल्द कार्रवाई की उम्मीद जताई जा रही है। नगर अध्यक्ष सचिन सुकड़ी  ने बताया की लाइट का लिफ्टलेक्टर खराब हो जाने के कारण अंधेरा है कल सुबह ठीक करा दी जाएगी
गुरु गोरखनाथ महाराज के पावन अवसर पर एक विशाल भंडारे का आयोजन
जानसट। मुजफ्फरनगर।राजपुर।राजपुर गांव के पास में स्थित गुरु गोरखनाथ मंदिर, सलारपुर रोड पर 15 जनवरी 2026 को गुरु गोरखनाथ महाराज के पावन अवसर पर एक विशाल भंडारे का आयोजन किया जा रहा है। इस धार्मिक आयोजन को लेकर क्षेत्र में उत्साह का माहौल है। राष्ट्रीय अध्यक्ष भारतीय गौ सेवा संघ राहुल चौधरी ने कहा
भंडारे का आयोजन सभी  के सहयोग से किया जा रहा है, जिसमें दूर-दराज से श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है। आयोजन के दौरान श्रद्धालुओं के लिए प्रसाद वितरण की समुचित व्यवस्था की गई है।

आयोजकों ने क्षेत्रवासियों से अधिक से अधिक संख्या में पहुंचकर भंडारे में सहभागिता करने और गुरु गोरखनाथ महाराज का आशीर्वाद प्राप्त करने की अपील की है।
कोहरे से जनजीवन अस्त-व्यस्त, ठंड बनी लोगों की परेशानी का कारण
मेरठ। बहसूमा। रामराज।
क्षेत्र में बीते कुछ दिनों से लगातार पड़ रहे घने कोहरे और कड़ाके की ठंड ने जनजीवन को पूरी तरह अस्त-व्यस्त कर दिया है। सुबह से लेकर देर तक छाए रहने वाले कोहरे के कारण जहां दृश्यता बेहद कम हो गई है, वहीं ठंड के चलते आम जनजीवन बुरी तरह प्रभावित हो रहा है। लोगों को दैनिक कार्यों के निपटारे में भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।

मोहम्मदपुर सकिश्त गांव के ग्रामीणों ने बताया कि अधिक कोहरा पड़ने और ठंड बढ़ने से खेतों व अन्य कामकाज में दिक्कतें आ रही हैं। सुबह के समय तो स्थिति और भी गंभीर हो जाती है, जब कोहरा इतना घना होता है कि सामने कुछ भी दिखाई नहीं देता। इससे सड़कों पर आवागमन प्रभावित हो रहा है और दुर्घटनाओं की आशंका बनी हुई है। वाहन चालकों को भी बेहद सतर्क होकर चलना पड़ रहा है।

ठंड का सबसे ज्यादा असर बुजुर्गों और छोटे बच्चों पर देखने को मिल रहा है। ठंड के कारण कई लोगों को सांस लेने में परेशानी, खांसी, जुकाम और सीने में जकड़न की शिकायत हो रही है। चिकित्सकों का कहना है कि अधिक ठंड और कोहरे में नमी के कारण सांस संबंधी रोगों का खतरा बढ़ जाता है, जिससे विशेषकर वृद्ध और बच्चे अधिक प्रभावित होते हैं।

ग्रामीणों ने बताया कि ठंड की वजह से सुबह-शाम घरों से निकलना मुश्किल हो गया है। मजदूर वर्ग के लोगों को काम पर जाने में परेशानी हो रही है, जिससे उनकी रोजी-रोटी पर भी असर पड़ रहा है। वहीं छात्र-छात्राओं को स्कूल जाने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है।

स्थानीय लोगों ने प्रशासन से अपील की है कि कोहरे और ठंड को देखते हुए आवश्यक सावधानियों के प्रति जागरूकता बढ़ाई जाए। साथ ही जरूरतमंद लोगों के लिए अलाव और अन्य राहत सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं, ताकि ठंड से कुछ राहत मिल सके। फिलहाल क्षेत्रवासियों को उम्मीद है कि मौसम में सुधार होने के बाद ही जनजीवन सामान्य हो पाएगा।
किसानों ने जिला प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष  कार्रवाई की मांग की


बहसुमा। मेरठ।भूमि संरक्षण विभाग मेरठ में किसानों की भूमि सुधार के नाम पर वर्ष 2024–25 में लगभग एक करोड़ रुपये की धनराशि के दुरुपयोग का गंभीर मामला सामने आया है। किसानों का आरोप है कि फर्जी बिल लगाकर सरकारी धन की निकासी की गई, जबकि धरातल पर कार्य नहीं हुए।

इस संबंध में भारतीय किसान यूनियन के नेतृत्व में किसानों द्वारा अक्टूबर माह में एडीएम को शिकायत पत्र दिया गया था। इसके बाद 18 नवंबर को संयुक्त कृषि निदेशक कार्यालय पर किसानों ने धरना-प्रदर्शन किया। आंदोलन के पश्चात एडीएम द्वारा एसडीएम सदर एवं मवाना को जांच के लिए नामित किया गया, लेकिन दो माह से अधिक समय बीत जाने के बावजूद अब तक कोई ठोस जांच शुरू नहीं हो सकी है। किसानों का आरोप है कि मामले को दबाने का प्रयास किया जा रहा है।

किसानों ने बताया कि इस प्रकरण में 28 नवंबर को एक किसान द्वारा आरटीआई भी दायर की गई थी, जिसका अब तक कोई उत्तर नहीं दिया गया है। इससे विभागीय कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े हो रहे हैं।

किसानों की मांग है कि वर्ष 2024–25 में आई एवं जसोड़ा विकास खंड, मुजफ्फरनगर सैनी विकास खंड, किरनपुर खुर्द विकास खंड किला परीक्षितगढ़, पसवाड़ा विकास खंड माछरा तथा हस्तिनापुर कोड़ान विकास खंड में कराए गए भूमि सुधार कार्यों की तकनीकी टीम गठित कर निष्पक्ष जांच कराई जाए। साथ ही जिन कृषकों के यहां कार्य दर्शाए गए हैं, उन्हें जांच में शामिल कर उनके बयान दर्ज किए जाएं।

किसानों ने यह भी मांग की है कि सभी कार्यों की जियो टैगिंग व वीडियोग्राफी कराई जाए तथा कार्य से पूर्व और पश्चात की फोटोग्राफी की स्थल पर प्रमाणिकता की जांच की जाए। इसके अतिरिक्त वर्ष 2024–25 में गत वर्ष के कार्यों पर दिए गए फसलोत्पादन अनुदान की भी जांच कराए जाने की मांग की गई है।

किसानों ने जिला प्रशासन से पूरे मामले की निष्पक्ष एवं पारदर्शी जांच कर दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की मांग की है।
मवाना तहसीलदार ने बहसूमा पोलिंग बूथ का किया निरीक्षण, व्यवस्थाओं का लिया जायज़ा
बहसूमा। मवाना तहसीलदार जितेंद्र सिंह ने रविवार को बहसूमा स्थित पोलिंग बूथ का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण का उद्देश्य आगामी मतदान प्रक्रिया को निष्पक्ष, पारदर्शी एवं शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न कराना रहा। तहसीलदार ने मतदान केंद्र पर उपलब्ध मूलभूत सुविधाओं, सुरक्षा व्यवस्था, साफ-सफाई, पेयजल, शौचालय, रैंप एवं बिजली व्यवस्था का बारीकी से जायज़ा लिया।

निरीक्षण के दौरान तहसीलदार जितेंद्र सिंह ने संबंधित अधिकारियों व कर्मचारियों से मतदान की तैयारियों की जानकारी ली। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि मतदाताओं को किसी भी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए सभी आवश्यक प्रबंध समय रहते पूरे कर लिए जाएं। विशेष रूप से बुजुर्गों, दिव्यांग मतदाताओं एवं महिलाओं के लिए सुगम व्यवस्था सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया।

तहसीलदार ने मतदान कर्मियों को निष्पक्षता, ईमानदारी और जिम्मेदारी के साथ अपने कर्तव्यों का निर्वहन करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र के इस महापर्व में हर मतदाता का मतदान करना महत्वपूर्ण है और प्रशासन की जिम्मेदारी है कि मतदान प्रक्रिया शांतिपूर्ण एवं भयमुक्त वातावरण में संपन्न हो।

इस अवसर पर सुपरवाइजर विनय कुमार, नगर अध्यक्ष मोहम्मद शाकिर फरीदी, पूर्व सभासद जुन्नूरैन, नगर सभासद वीरेंद्र, सलीम मूसा, पूर्व सभासद सर्वेश कुमार, आसिफ कसार, जितेंद्र राठी, किसान नेता शुभम लंबा सहित कई गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे। सभी ने प्रशासन द्वारा की जा रही तैयारियों की सराहना की और सहयोग का आश्वासन दिया।

निरीक्षण के अंत में तहसीलदार ने अधिकारियों को सतर्क रहने एवं मतदान दिवस तक नियमित निगरानी रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। प्रशासन पूरी मुस्तैदी के साथ चुनाव प्रक्रिया को सफल बनाने में जुटा हुआ है।
विश्व हिंदी दिवस हर्षोल्लास एवं गरिमामय वातावरण में मनाया गया

बहसूमा। मेरठ। हिंदी हमारी पहचान, विश्व हमारा मंच”—इसी प्रेरक संदेश के साथ विद्यालय परिसर में विश्व हिंदी दिवस हर्षोल्लास एवं गरिमामय वातावरण में मनाया गया।इस अवसर पर हिंदी भाषा के महत्व, उपयोग और उसकी वैश्विक पहचान को रेखांकित करने के उद्देश्य से विद्यार्थियों के लिए वाद–विवाद प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। प्रतियोगिता में छात्र-छात्राओं ने आत्मविश्वास, स्पष्ट उच्चारण और प्रभावशाली शब्दों के माध्यम से हिंदी भाषा के महत्व पर अपने विचार प्रस्तुत किए। विद्यार्थियों की विषय पर गहरी समझ और सशक्त अभिव्यक्ति ने उपस्थित सभी लोगों को प्रभावित किया।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए विद्यालय के प्रधानाचार्य डॉ. समीर वर्मा ने कहा कि हिंदी हमारी संस्कृति, संस्कार और पहचान की मूल आधारशिला है। हमें अपने दैनिक जीवन में हिंदी का अधिक से अधिक प्रयोग करना चाहिए।

वहीं उप-प्रधानाचार्य श्रीमती रितु चिकारा ने हिंदी को आत्मविश्वास और एकता की भाषा बताते हुए छात्रों को शुद्ध हिंदी बोलने एवं लिखने के लिए प्रेरित किया।

विद्यालय की निर्देशिका डॉ. गरिमा वर्मा ने हिंदी को विचारों की अभिव्यक्ति का सरल, सशक्त और प्रभावी माध्यम बताया।
कार्यक्रम के दौरान विद्यालय के निर्देशक डॉ. के. के. शर्मा ने हिंदी को हमारी सांस्कृतिक विरासत बताते हुए इसके संरक्षण एवं संवर्धन पर विशेष जोर दिया।

समापन पर यह आयोजन विद्यार्थियों में हिंदी भाषा के प्रति प्रेम, सम्मान और गर्व की भावना विकसित करने में सफल रहा तथा हिंदी के प्रचार-प्रसार के महत्व को सभी के समक्ष प्रभावी रूप से प्रस्तुत किया।
पर्यावरण को क्षति पहुँचाने वालों को नहीं बख्शा जाएगा : खुशबू उपाध्याय

बहसुमा।मेरठ।वन विभाग की टीम ने बीती रात बहसूमा क्षेत्र में कार्रवाई करते हुए दो डंपरों को पकड़कर  वन रेंज में खड़ा कराया। शिकायत थी कि इन डंपरों द्वारा वन विभाग की पटरी पर किए गए पौधारोपण को नुकसान पहुँचाया गया है। इसी आधार पर डंपरों को जब्त कर जांच शुरू की गई।

सुबह मामले की गहन जांच-पड़ताल की गई तो चौंकाने वाला खुलासा हुआ। जांच में सामने आया कि यह शिकायत वन संपदा को हुई वास्तविक क्षति से अधिक दो पक्षों की आपसी रंजिश का है

  और तथ्यों के मिलान के बाद स्पष्ट हुआ कि विवाद निजी दुश्मनी से उपजा था।  वन विभाग ने लापरवाही को नजरअंदाज नहीं किया। वन क्षेत्राधिकारी खुशबू उपाध्याय ने नुकसान करने वाले  पर दोबारा पौधारोपण कराने और उनकी नियमित देखभाल की जिम्मेदारी तय की।

वन क्षेत्राधिकारी खुशबू उपाध्याय ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि पर्यावरणीय क्षति की भरपाई क्षति पहुँचाने वाले पक्ष द्वारा ही कराई जाएगी। वन विभाग का यह कदम साफ संदेश देता है कि  वन संपदा से किसी भी प्रकार का खिलवाड़ बर्दाश्त नहीं किया जाएगा—चाहे मामला साजिश का हो या लापरवाही का।

वन विभाग ने यह भी स्पष्ट किया कि पर्यावरण संरक्षण के नाम पर किसी भी प्रकार की ढिलाई या बहाना स्वीकार नहीं किया जाएगा। वन क्षेत्र अधिकारी खुशबू उपाध्याय वन दरोगा ऋषभ अतुल स्वामी वनरक्षक आदि मौजूद रहे