70वें जन्मदिन पर मायावती का ऐलान—बीएसपी अकेले लड़ेगी सभी चुनाव, मैं न झुकूंगी न डरूंगी
लखनऊ । बहुजन समाज पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं उत्तर प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री सुश्री मायावती ने अपने 70वें जन्मदिन के अवसर पर लखनऊ में प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि पार्टी कार्यकर्ता उनके जन्मदिन को जनकल्याणकारी दिवस के रूप में मनाते हैं। इस मौके पर उन्होंने सभी देशवासियों को नववर्ष की हार्दिक शुभकामनाएं भी दीं।

मायावती ने केंद्र और प्रदेश की सरकारों पर निशाना साधते हुए कहा कि उनकी सरकार की योजनाओं के नाम और स्वरूप में थोड़ा बदलाव कर उन्हें लागू किया जा रहा है, लेकिन योजनाओं का वास्तविक लाभ हर पात्र व्यक्ति तक नहीं पहुंच पा रहा है।

उन्होंने कहा कि बीएसपी सरकार के दौरान संतों और महापुरुषों के नाम पर अनेक स्मारक व स्थल बनाए गए, जिनकी आज विरोधी पार्टियां नकल कर रही हैं। मायावती ने विरोधियों पर तंज कसते हुए कहा कि उनकी स्थिति “मुंह में राम, बगल में छुरी” जैसी है।

बसपा सुप्रीमो ने दो टूक कहा, “मैं झुकने और डरने वाली नहीं हूं।” उन्होंने यह भी कहा कि विरोधी दलों द्वारा किए जा रहे षड्यंत्रों का लेखा-जोखा वे अपने संघर्षमय जीवन और बीएसपी मूवमेंट के संदर्भ में सामने रखेंगी। साथ ही पार्टी कार्यकर्ताओं को सतर्क और सचेत रहने की अपील की।

कांग्रेस और बीजेपी पर आरोप लगाते हुए मायावती ने कहा कि ये दोनों दल बीएसपी को कमजोर करने के लिए तरह-तरह के हथकंडे अपनाते रहते हैं, इसलिए बीएसपी का सत्ता में आना बेहद जरूरी है।

प्रेस कॉन्फ्रेंस में मायावती ने बड़ा राजनीतिक ऐलान करते हुए कहा कि बहुजन समाज पार्टी आगामी विधानसभा चुनाव सहित भविष्य के सभी छोटे-बड़े चुनाव अकेले ही लड़ेगी और किसी भी दल से कोई गठबंधन नहीं किया जाएगा।उल्लेखनीय है कि बीएसपी प्रमुख मायावती का 70वां जन्मदिवस देशभर में पार्टी कार्यकर्ताओं द्वारा उत्साहपूर्वक मनाया जा रहा है।

* ब्राह्मणों की उपेक्षा पर मायावती बोलीं—बीएसपी सरकार ही दे सकती है सुरक्षा
लखनऊ में ब्राह्मण समाज के विधायकों की बैठक के बाद बहुजन समाज पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष मायावती ने ब्राह्मण समाज से जुड़े मुद्दों पर खुलकर अपनी बात रखी। उन्होंने कहा कि बैठक में ब्राह्मण समाज की लगातार हो रही उपेक्षा को लेकर गहरी चिंता व्यक्त की गई है।

मायावती ने कहा कि बीएसपी ने हमेशा ब्राह्मण समाज को उचित सम्मान और प्रतिनिधित्व दिया है और आगे भी देती रहेगी। उन्होंने ब्राह्मण समाज से अपील करते हुए कहा कि उन्हें किसी के बहकावे में नहीं आना चाहिए और न ही किसी के “बाटी-चोखा” के लालच में पड़ना चाहिए।

पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि ब्राह्मण समाज पर किसी भी प्रकार का अत्याचार न हो, इसके लिए प्रदेश में बीएसपी की सरकार का होना जरूरी है। उन्होंने दावा किया कि बीएसपी की नीतियां सभी समाजों को साथ लेकर चलने वाली हैं और ब्राह्मण समाज की सुरक्षा व सम्मान पार्टी की प्राथमिकता रही है। मायावती के इस बयान को आगामी राजनीतिक समीकरणों और ब्राह्मण मतदाताओं को साधने की रणनीति के रूप में देखा जा रहा है।

* मायावती की प्रेस कॉन्फ्रेंस में शॉर्ट सर्किट से मची अफरातफरी
बसपा सुप्रीमो और उत्तर प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री मायावती की प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान उस समय अफरातफरी मच गई, जब प्रेसवार्ता समाप्त होने के ठीक पहले शॉर्ट सर्किट हो गया। अचानक हुए शॉर्ट सर्किट के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस हॉल में धुआं भर गया, जिससे कुछ देर के लिए हड़कंप की स्थिति बन गई।

हालांकि सुरक्षाकर्मियों ने तत्परता दिखाते हुए तुरंत स्थिति को नियंत्रित किया। मौके पर मौजूद अग्नि सुरक्षा उपकरणों का तत्काल उपयोग किया गया, जिससे किसी भी बड़ी घटना को टाल दिया गया।

धुएं के फैलते ही सुरक्षा घेरे के बीच पूर्व मुख्यमंत्री मायावती को सुरक्षित बाहर निकाला गया। घटना में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है। कुछ ही देर में हालात पूरी तरह सामान्य हो गए।प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियों ने राहत की सांस ली और कार्यक्रम को सुरक्षित रूप से समाप्त किया गया।
सब-इंस्पेक्टर भर्ती परीक्षा को लेकर पुलिस भर्ती बोर्ड ने जारी किए महत्वपूर्ण निर्देश

लखनऊ। पुलिस भर्ती बोर्ड ने सब-इंस्पेक्टर एवं समकक्ष पदों पर होने वाली भर्ती परीक्षा को लेकर महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश जारी किए हैं। बोर्ड के अनुसार यह परीक्षा कुल 400 अंकों की होगी।

परीक्षा में कुल 160 वस्तुनिष्ठ प्रश्न पूछे जाएंगे, जिन्हें हल करने के लिए अभ्यर्थियों को दो घंटे का समय दिया जाएगा। परीक्षा ओएमआर शीट आधारित होगी।

लिखित परीक्षा चार विषयों पर आधारित होगी, जिसमें हिंदी, सामान्य ज्ञान, संख्यात्मक योग्यता एवं मानसिक योग्यता शामिल हैं। प्रत्येक विषय का प्रश्नपत्र 100-100 अंकों का होगा। हर विषय से 40-40 प्रश्न पूछे जाएंगे और प्रत्येक सही उत्तर पर 2.5 अंक प्रदान किए जाएंगे।

बोर्ड ने स्पष्ट किया है कि लिखित परीक्षा में प्रत्येक विषय में न्यूनतम 35 प्रतिशत अंक प्राप्त करना अनिवार्य होगा, वहीं कुल मिलाकर अभ्यर्थियों को कम से कम 50 प्रतिशत अंक हासिल करने होंगे।
योगी सरकार में पीड़ितों को न्याय सर्वोपरि — मंत्री नरेन्द्र कश्यप
* सरधना पहुंचकर मंत्री ने मृतक सोनू के परिजनों को बंधाया ढांढस, निष्पक्ष जांच के निर्देश

* एक लाख रुपये की निजी आर्थिक सहायता प्रदान की

लखनऊ / मेरठ। प्रदेश के पिछड़ा वर्ग कल्याण एवं दिव्यांगजन सशक्तीकरण राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) नरेन्द्र कश्यप ने बुधवार को मेरठ जनपद के सरधना क्षेत्र में युवक सोनू कश्यप की हत्या की दुखद घटना के बाद मृतक के परिजनों से मुलाकात कर शोक संवेदना व्यक्त की। उन्होंने परिजनों को ढांढस बंधाते हुए कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में प्रदेश सरकार पीड़ित परिवार के साथ मजबूती से खड़ी है और दोषियों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी।

मंत्री नरेन्द्र कश्यप ने मौके पर उपस्थित पुलिस एवं प्रशासनिक अधिकारियों को घटना की निष्पक्ष, गंभीर एवं त्वरित जांच के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि योगी सरकार कानून के शासन और जीरो टॉलरेंस की नीति पर कार्य कर रही है, इसलिए किसी भी अपराधी को बख्शा नहीं जाएगा। दोषी चाहे जो भी हो, उसे कानून के दायरे में लाकर कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।

मंत्री कश्यप ने मृतक सोनू के परिजनों को अपनी ओर से एक लाख रुपये की निजी आर्थिक सहायता प्रदान की। साथ ही उन्होंने आश्वासन दिया कि शासन स्तर से मिलने वाली सभी वैधानिक सहायता एवं सुविधाएं भी परिवार को उपलब्ध कराई जाएंगी। उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य अपराधियों को सजा दिलाने के साथ-साथ पीड़ित परिवार को संबल और भरोसा देना है।

इस अवसर पर मंत्री नरेन्द्र कश्यप ने कहा कि कुछ लोग ऐसी घटनाओं पर राजनीति करने का प्रयास करते हैं, जबकि योगी सरकार संवेदनशीलता के साथ पीड़ितों के साथ खड़ी होकर ठोस कार्रवाई करती है। उन्होंने स्पष्ट किया कि प्रदेश में कानून-व्यवस्था को मजबूत बनाए रखना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है और आमजन की सुरक्षा से कोई समझौता नहीं किया जाएगा।

मंत्री कश्यप ने विश्वास जताया कि प्रशासनिक कार्रवाई के माध्यम से पीड़ित परिवार को शीघ्र न्याय मिलेगा और प्रदेश में कानून का राज और अधिक सुदृढ़ होगा।
लेबर अड्डों पर जागरूकता एवं पंजीयन शिविर आयोजित
* निर्माण श्रमिकों को कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी

* कन्या विवाह, मातृत्व, शिक्षा व गंभीर बीमारी योजनाओं का प्रचार


लखनऊ। उत्तर प्रदेश भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड द्वारा निर्माण श्रमिकों के हित में संचालित विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं के व्यापक प्रचार-प्रसार तथा पंजीयन/नवीनीकरण के उद्देश्य से बुधवार को लेबर अड्डा मोहनलालगंज, लेबर अड्डा बुद्धेश्वर एवं लेबर अड्डा बाराबिरवा, आशियाना में जागरूकता अभियान एवं पंजीयन शिविर का आयोजन किया गया।

शिविर के दौरान श्रमिकों को कन्या विवाह सहायता योजना, मातृत्व, शिशु एवं बालिका मदद योजना, संत रविदास शिक्षा प्रोत्साहन योजना, निर्माण कामगार मृत्यु एवं दिव्यांगता सहायता योजना, गंभीर बीमारी सहायता योजना तथा अटल आवासीय विद्यालय योजना सहित बोर्ड की प्रमुख योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी गई। साथ ही योजनाओं से संबंधित पम्पलेट वितरित किए गए और पात्र श्रमिकों का मौके पर ही पंजीकरण भी कराया गया।

जागरूकता शिविर में विशेष रूप से अटल आवासीय विद्यालय योजना के अंतर्गत शैक्षणिक सत्र 2026-27 हेतु कक्षा-06 एवं कक्षा-09 में प्रवेश के लिए अधिकाधिक आवेदन कराने पर जोर दिया गया। बोर्ड में न्यूनतम तीन वर्ष की अवधि पूर्ण कर चुके श्रमिकों को अपने बच्चों के उज्ज्वल भविष्य के लिए आवेदन करने हेतु प्रेरित किया गया।

शिविर के आयोजन में विज्ञान फाउंडेशन एवं अन्य कार्यदायी संस्थाओं के साथ श्रम प्रवर्तन अधिकारी श्रीमती शक्तिराय, श्री संतोष कुमार एवं श्री सुनील कुमार उपस्थित रहे। अधिकारियों ने श्रमिकों से समय पर पंजीयन एवं नवीनीकरण कराने की अपील की।

अपर श्रमायुक्त, लखनऊ क्षेत्र, कल्पना श्रीवास्तव ने बताया कि बोर्ड की किसी भी योजना का लाभ लेने के लिए श्रमिक का पंजीकृत होना एवं पंजीयन का नियमानुसार नवीनीकरण अनिवार्य है। श्रमिक अपना पंजीकरण एवं नवीनीकरण सी.एस.सी. ई-डिस्ट्रिक्ट सेंटर, सी.एस.सी. ई-गवर्नेंस सेंटर अथवा बोर्ड की वेबसाइट upbocw.in के माध्यम से करा सकते हैं।

इस जागरूकता अभियान में बड़ी संख्या में निर्माण श्रमिकों ने भाग लिया और योजनाओं के प्रति रुचि दिखाते हुए पंजीयन प्रक्रिया का लाभ उठाया।
जिज्ञासा कप सीजन-1: एवेंजर्स इलेवन का शानदार प्रदर्शन, मास्टर्स ब्लास्टर्स को 176 रन से हराया
लखनऊ। जिज्ञासा कप सीजन-1 के तीसरे मुकाबले में एवेंजर्स इलेवन ने दमदार खेल का प्रदर्शन करते हुए मास्टर्स ब्लास्टर्स को 176 रन से करारी शिकस्त दी। मैच में हर विभाग में उत्कृष्ट खेल के दम पर एवेंजर्स इलेवन ने एकतरफा जीत दर्ज की।

टॉस जीतकर पहले बल्लेबाज़ी करते हुए एवेंजर्स इलेवन ने निर्धारित ओवरों में 294 रन का विशाल स्कोर खड़ा किया। टीम की ओर से अजय राजभर ने शानदार शतकीय पारी खेलते हुए मात्र 70 गेंदों पर 119 रन बनाए। उनका भरपूर साथ सनी ने दिया, जिन्होंने 70 गेंदों में 91 रन की आक्रामक पारी खेलकर टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचाया।

मास्टर्स ब्लास्टर्स की ओर से गेंदबाज़ी में युवराज ने 2 विकेट हासिल किए, जबकि मयंक और प्रकार को 1-1 सफलता मिली। 294 रन के लक्ष्य का पीछा करने उतरी मास्टर्स ब्लास्टर्स की टीम शुरुआत से ही दबाव में नजर आई और एवेंजर्स इलेवन के गेंदबाज़ों के सामने पूरी टीम मात्र 118 रन पर सिमट गई।

एवेंजर्स इलेवन की ओर से गेंदबाज़ी में भी अजय राजभर ने 2 विकेट चटकाए, वहीं पियूष ने भी 2 विकेट लेकर टीम की जीत को और मजबूत किया।

इस तरह एवेंजर्स इलेवन ने मास्टर्स ब्लास्टर्स को 176 रन से हराकर मुकाबला अपने नाम किया।

*मैन ऑफ द मैच
शानदार शतक और प्रभावी गेंदबाज़ी के लिए अजय राजभर मैन ऑफ द मैच रहे।
सुरेश कुमार खन्ना ने विकसित भारत–जी राम जी कानून 2025 पर की प्रेस वार्ता
लखनऊ। उत्तर प्रदेश के वित्त एवं संसदीय कार्य मंत्री तथा जनपद लखनऊ के प्रभारी मंत्री सुरेश कुमार खन्ना ने शहर में लगातार बढ़ रही जाम की समस्या को गंभीरता से लेते हुए प्रभावी ट्रैफिक प्लान तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि राजधानी होने के कारण लखनऊ में वाहनों और आबादी की संख्या लगातार बढ़ रही है तथा प्रतिदिन बाहर के जनपदों से भी भारी संख्या में वाहन शहर में प्रवेश करते हैं। ऐसे में जाम की समस्या से आमजन को राहत दिलाना प्राथमिकता है।

श्री खन्ना ने निर्देश दिए कि यातायात विभाग, लखनऊ विकास प्राधिकरण और नगर निगम के अधिकारियों को शामिल करते हुए एक कमेटी गठित की जाए। यह कमेटी जाम वाले सभी प्रमुख स्थलों का स्थलीय निरीक्षण कर डायवर्जन, बैरिकेडिंग और वन-वे व्यवस्था जैसे विकल्पों पर विचार करते हुए ठोस कार्ययोजना तैयार करेगी, जिससे जाम की समस्या समाप्त हो सके।

प्रभारी मंत्री आज बटलर रोड स्थित नैमिषारण्य गेस्ट हाउस में जनप्रतिनिधियों, जिलाधिकारी, नगर आयुक्त एवं पुलिस अधिकारियों के साथ ट्रैफिक व्यवस्था तथा मतदाता सूची के विशेष पुनरीक्षण (एसआईआर) को लेकर बैठक कर रहे थे। उन्होंने निर्देश दिए कि विधानसभा के गेट नंबर-7 एवं 8 के सामने से सुबह 9 बजे से रात 9 बजे तक भारी वाहनों का प्रवेश प्रतिबंधित रहेगा।

बैठक में उन्होंने मतदाता सूची के विशेष पुनरीक्षण अभियान पर जोर देते हुए कहा कि निर्वाचन आयोग द्वारा ड्राफ्ट मतदाता सूची प्रकाशित कर दी गई है। सभी पात्र मतदाताओं का नाम सूची में शामिल कराने के लिए जनप्रतिनिधि एवं अधिकारी जागरूकता अभियान चलाएं। जिनका नाम छूटा हो, उनसे फॉर्म-6 और घोषणा पत्र भरवाकर जमा कराया जाए। यह सुविधा ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों माध्यमों से उपलब्ध है।

इसके उपरांत सुरेश कुमार खन्ना ने विकसित भारत–जी राम जी कानून 2025 पर प्रेस वार्ता करते हुए कहा कि यह विधेयक विकसित भारत 2047 के लक्ष्य के अनुरूप एक नई सांविधिक संरचना के साथ मनरेगा का स्थान लेगा। उन्होंने बताया कि जी राम जी योजना के अंतर्गत ग्रामीण परिवारों को मिलने वाले रोजगार के दिन 100 से बढ़ाकर 125 दिन कर दिए गए हैं, जिससे ग्रामीणों की आय सुरक्षा और मजबूत होगी।

उन्होंने कहा कि इस कानून के तहत रोजगार सृजन को जल संरक्षण, ग्रामीण अवसंरचना, आजीविका संवर्धन और जलवायु परिवर्तन से निपटने जैसे चार प्राथमिक क्षेत्रों से जोड़ा गया है। मजदूरी का भुगतान सुरक्षित डिजिटल माध्यम से साप्ताहिक अथवा अधिकतम 15 दिनों के भीतर किया जाएगा। यदि समय पर रोजगार उपलब्ध नहीं कराया गया तो बेरोजगारी भत्ता दिए जाने का भी प्रावधान किया गया है।

वित्त मंत्री ने बताया कि यह योजना केंद्रीय प्रायोजित योजना होगी, जिसमें उत्तर-पूर्वी और हिमालयी राज्यों के लिए 90:10 तथा अन्य राज्यों के लिए 60:40 का फंड शेयरिंग पैटर्न लागू होगा। योजना के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए बायोमेट्रिक हाजिरी, जीआईएस आधारित प्लानिंग, एमआईएस डैशबोर्ड, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और सोशल ऑडिट जैसी आधुनिक तकनीकों का उपयोग किया जाएगा।

उन्होंने कहा कि विकसित भारत–2047 का लक्ष्य हर नागरिक को सम्मानजनक जीवन, समान अवसर और आधुनिक सुविधाएं उपलब्ध कराना है। यह योजना ग्रामीण विकास को नई गति देने के साथ-साथ पारदर्शिता, डिजिटल प्रणाली और जीरो टॉलरेंस फॉर करप्शन की नीति को मजबूती से लागू करेगी।
अशरफ़ी क्रिकेट क्लब की शानदार जीत, एवेंजर्स इलेवन को 15.5 ओवर में हराया
*जिज्ञासा कप सीजन-1, मैच- 2*

लखनऊ। जिज्ञासा कप सीजन-1 के दूसरे मुकाबले में अशरफ़ी क्रिकेट क्लब ने दमदार प्रदर्शन करते हुए एवेंजर्स इलेवन को एकतरफा मुकाबले में पराजित किया। पहले गेंदबाज़ी करते हुए अशरफ़ी क्रिकेट क्लब ने एवेंजर्स इलेवन की टीम को 35 ओवर में 101 रन पर ऑल-आउट कर दिया।

अशरफ़ी क्रिकेट क्लब की ओर से गेंदबाज़ी में आकाश गौतम और आरिफ़ राजा ने शानदार प्रदर्शन किया। दोनों गेंदबाज़ों ने 3-3 विकेट झटकते हुए विपक्षी बल्लेबाज़ी की कमर तोड़ दी।

101 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी अशरफ़ी क्रिकेट क्लब की टीम ने बेहतरीन बल्लेबाज़ी का प्रदर्शन करते हुए 15.5 ओवर में लक्ष्य आसानी से हासिल कर लिया।
बल्लेबाज़ी में विराट मिश्रा ने शानदार खेल दिखाते हुए 44 गेंदों पर 46 रन बनाए, जिसमें 6 चौके शामिल रहे। उनके अलावा गगन ने 19 रन और हिमांशु ने 18 रन बनाकर टीम की जीत सुनिश्चित की।
एवेंजर्स इलेवन की ओर से गेंदबाज़ी में ज़ैद को 1 विकेट मिला।

*मैन ऑफ द मैच*
मैच में शानदार गेंदबाज़ी प्रदर्शन के लिए आकाश गौतम को मैन ऑफ द मैच चुना गया।
डिजिटल शिक्षा से आत्मनिर्भर बनेंगी छात्राएं

– समाज कल्याण विभाग और मदद फाउंडेशन के बीच हुआ एमओयू, दो बालिका विद्यालयों को दिए टैबलेट

– पायलट प्रॉजेक्ट के रूप में गोरखपुर और महाराजगंज के सर्वाेदय बालिका विद्यालयों से पहल की शुरुआत

लखनऊ। छात्राओं के समावेशी विकास, डिजिटल साक्षरता और तकनीकी सशक्तिकरण को नई दिशा देने के उद्देश्य से समाज कल्याण विभाग द्वारा एक महत्वपूर्ण पहल की गई है। इसी क्रम में मंगलवार को गोमती नगर स्थित भागीदारी भवन में मदद फाउंडेशन के सहयोग से समन्वय बैठक और टैबलेट वितरण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के दौरान समाज कल्याण विभाग और मदद फाउंडेशन के बीच समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए। इस अवसर पर समाज कल्याण राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) श्री असीम अरुण और मदद फाउंडेशन के फाउंडर श्री राजेश मणि उपस्थित रहे। 

हर बालिका विद्यालयों को 20-20 टैबलेट
कार्यक्रम के दौरान जय प्रकाश नारायण सर्वाेदय बालिका विद्यालय, गोरखपुर और महराजगंज जनपदों के प्रधानाचार्यों को कुल 40 टैबलेट प्रदान किए गए, जो संबंधित विद्यालयों की छात्राओं के शैक्षणिक उपयोग हेतु उपलब्ध कराए जाएंगे। हर विद्यालय को 20-20 टैबलेट दिए गए हैं। यह पहल पायलट प्रॉजेक्ट के रूप में शुरू की गई है, जिसकी सफलता के आधार पर भविष्य में अन्य विद्यालयों को भी टैबलेट उपलब्ध करवाए जाने की योजना है।

‘डिजिटल शिक्षा समय की अनिवार्य आवश्यकता’
कार्यक्रम में राज्य मंत्री श्री असीम अरुण ने टैबलेट वितरित करते हुए कहा कि डिजिटल शिक्षा आज के समय की अनिवार्य आवश्यकता है। तकनीकी संसाधनों के माध्यम से छात्राओं को न केवल गुणवत्तापूर्ण शिक्षा मिलेगी, बल्कि वे आत्मनिर्भर भी बन सकेंगी। उन्होंने इस पहल को बालिकाओं के सशक्तिकरण की दिशा में एक सराहनीय और दूरदर्शी कदम बताया।

‘शिक्षा के क्षेत्र में एक सार्थक प्रयास’
कार्यक्रम में उपस्थित मदद फाउंडेशन के फाउंडर श्री राजेश मणि ने समाज कल्याण विभाग के साथ इस सहयोग को सामाजिक उत्थान और शिक्षा के क्षेत्र में एक सार्थक प्रयास बताया। कार्यक्रम में समाज कल्याण विभाग निदेशक श्री संजीव सिंह, उपनिदेशक श्री आनंद कुमार सिंह, श्री जे राम सहित विभागीय अधिकारी और मदद फाउंडेशन की टीम मौजूद रही।
लापरवाह डॉक्टरों पर डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक का सख्त एक्शन, 17 चिकित्साधिकारी बर्खास्त
लखनऊ। उत्तर प्रदेश के डिप्टी मुख्यमंत्री एवं स्वास्थ्य मंत्री ब्रजेश पाठक ने स्वास्थ्य सेवाओं में लापरवाही पर कड़ा रुख अपनाते हुए बड़ी कार्रवाई की है। डिप्टी सीएम के निर्देश पर ड्यूटी से लगातार गायब रहने वाले 17 लापरवाह चिकित्साधिकारियों को बर्खास्त कर दिया गया है।

डिप्टी सीएम ने स्पष्ट किया कि मरीजों की सेवा में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। मरीजों के साथ अभद्र व्यवहार करने वाले 4 चिकित्साधिकारियों के खिलाफ विभागीय कार्रवाई के आदेश दिए गए हैं।

स्थानांतरण के बाद भी नवीन तैनाती स्थल पर कार्यभार ग्रहण न करने वाले डॉ. गजेंद्र सिंह के विरुद्ध भी विभागीय कार्यवाही के निर्देश जारी किए गए हैं।इसके अलावा बीकेटी ट्रामा सेंटर में तैनात 4 चिकित्साधिकारियों से लापरवाही के मामले में स्पष्टीकरण तलब किया गया है। कार्य में लापरवाही बरतने वाले 3 चिकित्साधिकारियों को चेतावनी देने के निर्देश दिए गए हैं।

उच्च अधिकारियों के आदेशों की अवहेलना एवं कार्यों में गंभीर लापरवाही पर 5 चिकित्साधिकारियों की वेतन वृद्धि रोकने के साथ परनिंदा दंड दिया गया है। वहीं, क्रय नीति के विरुद्ध दवा खरीदने वाले 2 चिकित्साधिकारियों की पेंशन में 10 प्रतिशत कटौती के आदेश भी जारी किए गए हैं।

डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने कहा कि प्रदेश सरकार का उद्देश्य आमजन को बेहतर, पारदर्शी और संवेदनशील स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना है। इसमें बाधा बनने वाले किसी भी अधिकारी या कर्मचारी के खिलाफ सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।
ईओडब्ल्यू की बड़ी उपलब्धि 7 दिन में 28 फरार आरोपी गिरफ्तार
लखनऊ। मुख्यमंत्री की भ्रष्टाचार के विरुद्ध जीरो टॉलरेंस नीति को धरातल पर उतारते हुए आर्थिक अपराध अनुसंधान संगठन (ईओडब्ल्यू) ने प्रदेशभर में बड़ी कार्रवाई की है। लंबित विवेचनाओं को गति देने और वर्षों से फरार चल रहे आर्थिक अपराधियों की गिरफ्तारी के उद्देश्य से ईओडब्ल्यू द्वारा 5 जनवरी 2026 से 11 जनवरी 2026 तक विशेष अभियान “ऑपरेशन शिकंजा” चलाया गया। इस अभियान के तहत उत्तर प्रदेश और दिल्ली के विभिन्न जनपदों से कुल 28 वांछित अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया, जिसे ईओडब्ल्यू की बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। इस विशेष अभियान को सफल बनाने के लिए ईओडब्ल्यू मुख्यालय और सेक्टर स्तर पर कुल 8 विशेष टीमें गठित की गई थीं। इनके साथ ही सेंट्रल क्रैक टीम को भी सक्रिय रूप से लगाया गया। टीमों ने अलग-अलग जनपदों में सुनियोजित ढंग से छापेमारी और धरपकड़ की, जिसके परिणामस्वरूप लंबे समय से फरार चल रहे आर्थिक अपराधियों को गिरफ्तार किया गया। अभियान के दौरान गाजियाबाद के बहुचर्चित श्री बालाजी हाइटेक कंस्ट्रक्शन्स प्राइवेट लिमिटेड घोटाले में अहम गिरफ्तारी की गई। करीब 100 करोड़ रुपये के इस घोटाले में कंपनी के मैनेजिंग डायरेक्टर, डायरेक्टर और कुछ बैंक अधिकारियों पर भोली-भाली जनता से धोखाधड़ी का आरोप है। आरोप है कि फ्लैट आवंटन के नाम पर लोगों को गुमराह कर बैंक से मिलीभगत कर लोन दिलवाया गया और फिर उसी फ्लैट को दूसरे या तीसरे व्यक्ति को आवंटित कर धन का गबन किया गया। इस मामले में गाजियाबाद जनपद में कुल 38 मुकदमे दर्ज हैं, जिनमें से 19 मामलों की विवेचना ईओडब्ल्यू द्वारा की जा रही है। इसी क्रम में नीरज कुमार मिश्रा, मैनेजर (एडमिन एंड फाइनेंस), निवासी नोएडा को 9 जनवरी 2026 को गिरफ्तार किया गया। नीरज मिश्रा वर्ष 2009 से 2014 तक कंपनी में कार्यरत था और लोन अप्रूवल, भुगतान मांग, अलॉटमेंट लेटर तैयार करने तथा कस्टमर रिलेशनशिप मैनेजमेंट जैसे महत्वपूर्ण कार्य देखता था। वर्ष 2018 में उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग द्वारा वीडीओ, समाज कल्याण पर्यवेक्षक और ग्राम पंचायत अधिकारी के 1953 पदों पर भर्ती परीक्षा आयोजित की गई थी। परीक्षा में व्यापक धांधली की शिकायत मिलने पर जांच ईओडब्ल्यू को सौंपी गई। जांच में गंभीर अनियमितताएं सामने आने के बाद मामला दर्ज किया गया। ऑपरेशन शिकंजा के तहत इस घोटाले में कुल 7 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया, जिनमें 6 अभ्यर्थी और 1 निजी कंपनी का कर्मचारी शामिल है। पुष्टि हुई है कि गिरफ्तार आरोपी परीक्षा प्रक्रिया में धांधली में संलिप्त थे। गिरफ्तार अभियुक्तों में अरुण कुमार, कर्मवीर, अंकुश यादव, अमर सिंह, उमेशचंद्र, अमन कुमार और एसआरएन डाटा क्रिएट सिस्टम प्राइवेट लिमिटेड का कर्मचारी उमेश पाल शामिल हैं। भारत सरकार और उत्तर प्रदेश सरकार की संयुक्त आईएसएसडीएपफ आवास योजना में गबन के मामले में भी ईओडब्ल्यू ने बड़ी कार्रवाई की। नगर पंचायत मुशाफिरखाना, जनपद अमेठी में 534 आवासों के निर्माण हेतु 7.15 करोड़ रुपये के गबन के आरोप में राधेश्याम श्रीवास्तव, रेजीडेंट इंजीनियर को 11 जनवरी 2026 को गिरफ्तार किया गया। गौरतलब है कि आईएसएसडीपी योजना का उद्देश्य शहरी गरीबों को सुरक्षित पक्का आवास उपलब्ध कराना और मलिन बस्तियों में सड़क, पानी, बिजली, नाली और शौचालय जैसी बुनियादी सुविधाओं का विकास करना है। इस योजना में गबन को गंभीर अपराध मानते हुए ईओडब्ल्यू ने सख्त कार्रवाई की है। ईओडब्ल्यू की टीमों ने महज 7 दिनों के भीतर 28 वांछित अभियुक्तों की गिरफ्तारी कर यह स्पष्ट संदेश दिया है कि आर्थिक अपराधियों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा। “ऑपरेशन शिकंजा” को भ्रष्टाचार के खिलाफ प्रदेश सरकार की सख्त नीति का मजबूत उदाहरण माना जा रहा है।ईओडब्ल्यू ने संकेत दिए हैं कि आगे भी ऐसे विशेष अभियान जारी रहेंगे और आर्थिक अपराधों में संलिप्त फरार आरोपियों पर शिकंजा और कसा जाएगा।