झारखंड विधानसभा सत्र: 750 मीटर के दायरे में निषेधाज्ञा लागू जुलूस, रैली और धरना पर रोक; 5 से 11 दिसंबर तक प्रभावी रहेगी

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झारखंड विधानसभा के षष्ठम झारखंड विधानसभा के चतुर्थ (शीतकालीन) सत्र को देखते हुए, रांची जिला प्रशासन ने विधानसभा परिसर के 750 मीटर के दायरे में निषेधाज्ञा (धारा 163) लागू कर दी है। यह सत्र 05 दिसंबर 2025 से 11 दिसंबर 2025 तक आहूत किया गया है।

निषेधाज्ञा की मुख्य बातें

अनुमंडल दंडाधिकारी, सदर, रांची द्वारा सुरक्षा की दृष्टिकोण से यह निषेधाज्ञा जारी की गई है।

प्रतिबंध अपवाद

पाँच या पाँच से अधिक व्यक्तियों का एक जगह जमा होना। सरकारी कार्य में लगे पदाधिकारी/कर्मचारी, सरकारी कार्यक्रम एवं शवयात्रा।

किसी प्रकार का अस्त्र-शस्त्र (बंदूक, रिवाल्वर, बम आदि) लेकर चलना। सरकारी कार्य में लगे पदाधिकारी/कर्मचारी।

लाठी-डंडा, तीर-धनुष, भाला आदि जैसे हरवे-हथियार लेकर चलना। सरकारी कार्य में लगे पदाधिकारी/कर्मचारी।

धरना, प्रदर्शन, घेराव, जुलूस, रैली या आम सभा का आयोजन करना। कोई नहीं।

ध्वनि विस्तारक यंत्र का व्यवहार करना। सरकारी कार्य में लगे पदाधिकारी/कर्मचारी।

प्रभावी अवधि: यह निषेधाज्ञा दिनांक 05.12.2025 के प्रातः 08:00 बजे से दिनांक 11.12.2025 के रात्रि 10:00 बजे तक प्रभावी रहेगी।

छूट प्राप्त क्षेत्र: माननीय उच्च न्यायालय झारखंड, रांची को इस निषेधाज्ञा के दायरे से बाहर रखा गया है।

यह आदेश उपायुक्त-सह-जिला दंडाधिकारी, रांची एवं अपर जिला दंडाधिकारी विधि व्यवस्था, रांची के संयुक्त आदेश के आलोक में जारी किया गया है।

क्या आप झारखंड विधानसभा के इस शीतकालीन सत्र के संभावित एजेंडा या मुद्दों के बारे में जानकारी चाहते हैं?

झारखंड आंदोलनकारियों का सम्मान: रांची में 3000 से अधिक आंदोलनकारियों को वितरित किए गए प्रमाण-पत्र


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झारखंड सरकार के निर्देश पर आज रांची में झारखंड आंदोलनकारियों को प्रमाण-पत्र वितरण हेतु एक जिला स्तरीय कार्यक्रम आयोजित किया गया। मोरहाबादी स्थित आर्यभट्ट सभागार में आयोजित इस समारोह में तीन हजार से अधिक अधिसूचित झारखंड आंदोलनकारियों को प्रमाण-पत्र प्रदान किए गए।

मुख्य वितरण और संबोधन

सम्मान व्यक्त: उपायुक्त-सह-जिला दण्डाधिकारी, रांची श्री मंजूनाथ भजंत्री एवं वरीय पुलिस अधीक्षक, रांची श्री राकेश रंजन ने सांकेतिक रूप से विशिष्ट आंदोलनकारियों को प्रमाण-पत्र वितरित किए। उन्होंने राज्य सरकार की ओर से आंदोलनकारियों के प्रति सम्मान और कृतज्ञता व्यक्त की।

उपायुक्त का वक्तव्य: अपने संबोधन में उपायुक्त श्री मंजूनाथ भजंत्री ने कहा कि,

"प्रत्येक झारखंड आंदोलनकारी हमारे राज्य निर्माण की आधारशिला हैं। उनके संघर्ष और बलिदान ही झारखंड राज्य के निर्माण का आधार हैं।"

प्रशासन की प्रतिबद्धता

उपायुक्त श्री भजंत्री ने यह भी स्पष्ट किया कि जिला प्रशासन राज्य सरकार के निर्देशानुसार आंदोलनकारियों के सामाजिक सुरक्षा, सम्मान और अधिकारों के संरक्षण हेतु निरंतर प्रयासरत है। उन्होंने विश्वास जताया कि आंदोलनकारी आगे भी जिला एवं राज्य के सर्वांगीण विकास में सकारात्मक भूमिका निभाते रहेंगे।

उपस्थिति

कार्यक्रम के दौरान अपर जिला दण्डाधिकारी (विधि-व्यवस्था) श्री राजेश्वरनाथ आलोक, नजारत उपसमाहर्त्ता श्री सुदेश कुमार, तथा अन्य संबंधित पदाधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।

रांची जिला प्रशासन ने इस कार्यक्रम के माध्यम से स्पष्ट संदेश दिया कि झारखंड आंदोलनकारियों के त्याग और संघर्ष को राज्य सरकार सर्वोच्च सम्मान देती है और उनकी सुरक्षा, सुविधा और सम्मान सुनिश्चित करना प्रशासन की प्राथमिकता है।

लातेहार पुलिस की बड़ी सफलता: ₹2 लाख का इनामी एरिया कमांडर समेत JJMP के दो नक्सली गिरफ्तार


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लातेहार जिला पुलिस ने नक्सल विरोधी अभियान में बड़ी सफलता हासिल करते हुए प्रतिबंधित नक्सली संगठन झारखंड जनमुक्ति परिषद (JJMP) के दो सक्रिय सदस्यों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार नक्सलियों में ₹2 लाख का इनामी एरिया कमांडर सुनील उरांव और उसका सहयोगी मुकेश लोहरा शामिल है। दोनों लातेहार जिले के ही रहने वाले हैं।

गिरफ्तारी का विवरण

गुप्त सूचना: लातेहार एसपी कुमार गौरव को गुप्त सूचना मिली थी कि एरिया कमांडर सुनील उरांव सदर थाना क्षेत्र के नवागढ़ स्थित अपने गांव के पास छिपा हुआ है, जबकि दूसरा नक्सली मुकेश लोहरा मनिका थाना क्षेत्र के पुरनी पल्हेया गांव के आसपास है।

छापेमारी अभियान: एसपी कुमार गौरव के निर्देश पर, डीएसपी अरविंद कुमार के नेतृत्व में एक विशेष टीम गठित की गई। टीम ने दोनों गांवों में एक साथ अलग-अलग टीमों द्वारा छापेमारी की।

समय: दोनों नक्सलियों को बुधवार की सुबह 3 से 4 बजे के बीच गिरफ्तार किया गया।

नक्सलियों पर दर्ज मामले

बुधवार को प्रेस वार्ता करते हुए एसपी कुमार गौरव ने बताया कि गिरफ्तार नक्सलियों पर कई गंभीर नक्सल मामले दर्ज हैं:

सुनील उरांव (एरिया कमांडर): लातेहार और आसपास के थाना क्षेत्रों में 7 से अधिक नक्सली मामले दर्ज हैं।

मुकेश लोहरा: इस पर भी 2 नक्सली मामले दर्ज हैं।

मुठभेड़ में संलिप्तता: एसपी ने बताया कि ये दोनों नक्सली पिछले दिनों पुलिस के साथ हुई मुठभेड़ में शामिल थे और पुलिस से बचने के लिए संगठन से अलग होकर गांवों में छिप रहे थे।

संगठन ध्वस्त करने का दावा

लातेहार पुलिस ने दावा किया है कि पिछले 6 महीनों में लगातार चली कार्रवाई से JJMP नक्सली संगठन पूरी तरह ध्वस्त हो गया है:

सफलताएं: 6 माह के भीतर पुलिस ने संगठन के सुप्रीमो समेत दो नक्सलियों को मुठभेड़ में मार गिराया है, और कई अन्य को गिरफ्तार किया है।

आत्मसमर्पण: पुलिसिया कार्रवाई से डरकर संगठन के सभी बड़े नक्सलियों ने पहले ही पुलिस के समक्ष आत्मसमर्पण कर दिया है। बचे हुए नक्सलियों के खिलाफ पुलिस लगातार अभियान चला रही है।

छापेमारी दल में महत्वपूर्ण भूमिका

गिरफ्तारी अभियान में डीएसपी अरविंद कुमार के साथ-साथ मनिका थाना प्रभारी शशि कुमार, लातेहार के थाना प्रभारी रमाकांत गुप्ता, सब इंस्पेक्टर विक्रांत उपाध्याय, राहुल कुमार सिन्हा, विकास कुमार, धर्मवीर सिंह और अन्य पुलिस पदाधिकारियों की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण रही।

मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन दिल्ली दौरे से जल्द लौटेंगे रांची, नये समीकरण और कयासों का बाजार गर्म!

झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन का चार दिवसीय दिल्ली दौरा आज बुधवार को समाप्त होने की उम्मीद है। बिना किसी सरकारी एजेंडे के उनके इतने लंबे प्रवास ने राज्य के सियासी गलियारों में हलचल मचा दी है।

  • लंबा प्रवास: मुख्यमंत्री सोरेन पिछले चार दिनों से अपनी पत्नी कल्पना सोरेन के साथ दिल्ली में डेरा डाले हुए थे।
  • आज वापसी: सूत्रों के मुताबिक, मुख्यमंत्री आज दिल्ली से रांची लौटने वाले हैं।
  • सियासी कयास: चर्चाएँ गर्म हैं कि दिल्ली प्रवास के दौरान उनकी भाजपा आलाकमान से मुलाकात हुई है। राजनीतिक विश्लेषक राज्य में एक नया सियासी समीकरण बनने की संभावना जता रहे हैं।
  • झामुमो की चुप्पी: इन कयासों पर झामुमो प्रवक्ता मनोज पांडे ने फिलहाल कोई टिप्पणी करने से इनकार कर दिया है, जिससे सस्पेंस और बढ़ गया है।
  • आगे का घटनाक्रम: माना जा रहा है कि राजनीतिक खिचड़ी की पूरी रूपरेखा खरमास खत्म होते ही सामने आ सकती है।

मुख्यमंत्री की वापसी के साथ ही अब सभी की निगाहें राज्य के अगले राजनीतिक घटनाक्रम पर टिकी हैं।

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जनता दरबार में ताबड़तोड़ कार्रवाई: राँची के सभी अंचलों में सैकड़ों आवेदनों का हुआ मौके पर निष्पादन, Panji-2 और मुआवज़े के मामले निपटे

राँची।

उपायुक्त-सह-जिला दंडाधिकारी, राँची श्री मंजूनाथ भजन्त्री के निर्देशानुसार, मंगलवार (02 दिसंबर 2025) को जिले के सभी अंचलों में एक व्यापक जनता दरबार का आयोजन किया गया। इस दौरान शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों से आए सैकड़ों लोगों की समस्याओं और आवेदनों का मौके पर ही त्वरित निष्पादन किया गया, जो प्रशासन की पारदर्शिता और उत्तरदायित्व की दिशा में एक प्रभावी कदम साबित हुआ।

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राजस्व से लेकर प्रमाण पत्रों तक की सेवाएं

जनता दरबार के माध्यम से जिलेवासियों को आवश्यक सरकारी सेवाएं त्वरित और सुगम रूप से उपलब्ध कराई गईं। इन सेवाओं में प्रमुख थे:

प्रमाण पत्र निर्गमन (आवासीय, आय, जाति, पारिवारिक सदस्यता)।

राजस्व से संबंधित कार्य और पंजी-2 सुधार।

सामाजिक सुरक्षा और पेंशन के मामले।

भू-अर्जन मुआवज़ा प्रक्रिया को आगे बढ़ाना।

केसीसी (KCC) सहित अन्य आवश्यक कार्य।

अंचल अधिकारियों ने आवेदकों की समस्याओं को गंभीरता से सुनते हुए तत्काल उनके समाधान की दिशा में कदम उठाए।

अंचलवार कार्यों का त्वरित निष्पादन

जनता दरबार में कई लंबित और महत्वपूर्ण मामलों का निपटारा हुआ:

अंचल प्रमुख निष्पादन कार्य आवेदनों की संख्या

बेड़ो राजस्व, प्रमाण पत्र और सामाजिक सुरक्षा/पेंशन से संबंधित 144 मामले। 144

राहे आय, जाति, स्थानीयता, पारिवारिक सदस्यता एवं राजस्व संबंधी 88 आवेदनों का निपटारा। 88

ईटकी आवासीय, जाति, आय प्रमाण पत्र, पंजी-2 सुधार और आपदा प्रबंधन सहित कुल 71 मामलों का समाधान। 71

अनगड़ा लंबित राजस्व मामलों का निपटारा किया गया। चमरु महतो का पंजी-2 में सुधार हुआ। भू-अर्जन से संबंधित मुआवजा राशि भुगतान की प्रक्रिया (जीतराम भोगता) आगे बढ़ाई गई। कई लंबित मामले निपटे।

सोनाहातू दिनेश कुमार महतो को आचरण प्रमाण पत्र और मुटुक देवी को पारिवारिक सदस्यता प्रमाण पत्र निर्गत किया गया। -

माण्डर कालीचरण महतो को शुद्धि पत्र और बहादुर सिंह को लगान रसीद प्रदान की गई। -

ये सभी कार्य नागरिकों के भूमि संबंधी अधिकारों को सुदृढ़ करने और सरकारी सेवाओं को सरल बनाने में महत्वपूर्ण साबित हुए।

DC ने बताया 'सेवा का अधिकार' को मजबूती देने वाला कदम

उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी श्री मंजूनाथ भजन्त्री ने जनता दरबार को पारदर्शी एवं उत्तरदायी प्रशासन की दिशा में एक प्रभावी कदम बताया। उन्होंने कहा कि जनता दरबार का मुख्य उद्देश्य लोगों को सुविधाओं के लिए भटकने से बचाना और सरकारी सेवाओं को जन-जन तक तत्परता के साथ पहुँचाना है।

उपायुक्त ने सभी अधिकारियों को प्रत्येक मंगलवार को जनता दरबार का नियमित आयोजन कर नागरिकों की समस्याओं का समाधान समयबद्ध तरीके से करने के निर्देश को दोहराया।

पारदर्शिता सुनिश्चित: राँची के 10 राशन डीलरों को मिली नवीनतम 4G e-PoS मशीनें, DC ने किया वितरण

राँची जिला प्रशासन ने राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम (NFSA) के तहत लाभार्थियों को अनाज वितरण में पारदर्शिता लाने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। मंगलवार (02 दिसंबर 2025) को उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी श्री मंजूनाथ भजन्त्री ने राँची शहरी क्षेत्र के 10 राशन डीलरों को नवीनतम 4G e-PoS (इलेक्ट्रॉनिक पॉइंट ऑफ सेल) मशीनें वितरित कीं।

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फर्जीवाड़ा रोकने के लिए आधुनिक तकनीक

उपायुक्त ने समाहरणालय सभागार में आयोजित कार्यक्रम में मशीनों का वितरण करते हुए कहा कि, "राँची जिला प्रशासन का लक्ष्य है कि अंतिम छोर के लाभुक तक शत-प्रतिशत पारदर्शी तरीके से अनाज पहुँचे।"

उन्होंने बताया कि ये 4G e-PoS मशीनें कई आधुनिक सुविधाएँ प्रदान करती हैं, जो फर्जीवाड़ा और अनाज की चोरी की संभावना को लगभग शून्य कर देती हैं:

आधार प्रमाणीकरण: प्रत्येक मशीन में बायोमेट्रिक (फिंगरप्रिंट) प्रमाणीकरण की सुविधा है।

रियल-टाइम ट्रांजेक्शन: लेन-देन का डाटा तुरंत पोर्टल पर अपलोड हो जाता है, जिससे जिला प्रशासन द्वारा सतत निगरानी संभव है।

ऑफलाइन कार्यक्षमता: ये मशीनें ऑफलाइन मोड में भी कार्य करने में सक्षम हैं, जिससे नेटवर्क की समस्या होने पर भी वितरण प्रभावित नहीं होगा।

उपायुक्त ने यह भी घोषणा की कि आने वाले दिनों में शहरी और ग्रामीण क्षेत्र के शेष सभी डीलरों को भी ये आधुनिक मशीनें उपलब्ध कराई जाएंगी।

डीलरों से अपील

उपायुक्त श्री भजन्त्री ने सभी डीलरों से अपील की कि वे इन मशीनों का अनिवार्य रूप से उपयोग करें और लाभार्थियों को निर्धारित मात्रा में समय पर गुणवत्तायुक्त अनाज उपलब्ध कराएं। साथ ही, किसी भी तकनीकी समस्या के लिए तुरंत जिला आपूर्ति कार्यालय से संपर्क करने का निर्देश दिया गया।

इस कार्यक्रम में विशिष्ट अनुभाजन पदाधिकारी श्रीमती मोनी कुमारी, जिला आपूर्ति पदाधिकारी श्री राम गोपाल पांडेय, जिला जन संपर्क पदाधिकारी राँची एवं अन्य विभागीय अधिकारी उपस्थित थे।

जनता के दबाव और विधायक राज सिन्हा के दृढ़ संकल्प के आगे झुका धनबाद नगर निगम, अनिश्चितकालीन धरना स्थगित

धनबाद।

भाजपा विधायक सह झारखंड विधानसभा के सचेतक राज सिन्हा द्वारा धनबाद शहर की मूलभूत समस्याओं के खिलाफ नगर निगम मुख्य द्वार पर शुरू किया गया अनिश्चितकालीन धरना आज (2 दिसंबर 2025) शाम को समाप्त हो गया। जनता के भारी समर्थन और विधायक के अडिग रुख के सामने अंततः नगर निगम प्रशासन को झुकना पड़ा और उनकी सभी प्रमुख माँगें लिखित रूप से मान ली गईं।

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सड़क, नाली, और स्ट्रीट लाइट की समस्या पर धरना

विधायक राज सिन्हा ने यह धरना 1 दिसंबर को शुरू किया था। इसका मुख्य उद्देश्य शहर की जर्जर सड़कों के निर्माण, नालियों के निर्माण, स्ट्रीट लाइट सुचारू करने और जन्म-मृत्यु प्रमाण पत्र सहित अन्य प्रशासनिक कार्यों के निष्पादन में नगर निगम की गंभीर लापरवाही के खिलाफ आवाज उठाना था।

दूसरे दिन उमड़ा जनसैलाब, प्रदेश नेतृत्व का समर्थन

धरने के दूसरे दिन, आंदोलन को आमजन, प्रभावित वार्डों के लोगों, भाजपा महानगर और ग्रामीण जिला के पदाधिकारियों तथा हजारों कार्यकर्ताओं का अभूतपूर्व समर्थन प्राप्त हुआ। कड़ाके की ठंड के बावजूद विधायक और सैकड़ों कार्यकर्ता रात भर धरना स्थल पर डटे रहे।

जनसैलाब और विधायक के अडिग रुख को देखते हुए आंदोलन प्रचंड रूप ले चुका था। इसी बीच, भाजपा झारखंड प्रदेश ने आंदोलन को मजबूती देने के लिए तीन सदस्यीय उच्चस्तरीय समिति — पूर्व नेता प्रतिपक्ष श्री अमर बाउरी, प्रदेश उपाध्यक्ष श्री विकास प्रीतम, और पूर्व मंत्री श्रीमती अपर्णा सेन गुप्ता को धनबाद भेजा, जिन्होंने धरना स्थल पर पहुंचकर अपना समर्थन दिया।

नगर निगम ने लिखित आश्वासन दिया

जनता के दबाव और विधायक के दृढ़ निश्चय के परिणाम स्वरूप, आज संध्या में नगर आयुक्त श्री रविराज शर्मा, उप नगर आयुक्त श्री प्रकाश कुमार, और अभियंताओं की टीम धरना स्थल पर पहुँची। अधिकारियों ने विधायक श्री सिन्हा की सभी प्रमुख मांगों को लिखित रूप से मान लिया और आश्वासन पत्र सौंपा।

लिखित आश्वासन मिलने के बाद विधायक राज सिन्हा ने धरना को स्थगित कर दिया और इसे 'जनता की जीत' बताया। विधायक श्री सिन्हा का यह संघर्ष धनबाद की जनता के हित में एक ऐतिहासिक जन-आंदोलन के रूप में दर्ज हुआ है।

विधायक राज सिन्हा के वक्तव्य

धरना की सफलता पर आभार व्यक्त करते हुए विधायक राज सिन्हा ने कहा:

"धनबाद के विकास, सड़कों की मरम्मत, नालियों व स्ट्रीट लाइट की व्यवस्था कोई उपकार नहीं, यह जनता के टैक्स का अधिकार है। मैं अपने क्षेत्र की जनता का प्रतिनिधि हूँ, उनके हक पर किसी भी प्रकार की उदासीनता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। यदि नगर निगम समय पर कार्य पूरा नहीं करता है, तो आंदोलन और तेज होगा।"

प्रदेश नेतृत्व का रुख

अमर बाउरी: "आवश्यकता हुई तो इस आंदोलन को राज्य स्तरीय आंदोलन बनाया जाएगा। झारखंड की यह कैसी सरकार है कि पिछले छह वर्षों से ACB जांच के नाम पे धनबाद की जनता को कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है?"

विकास प्रीतम: "विकास बाधित करने वाले अधिकारियों की जवाबदेही तय होनी चाहिए। भाजपा जन-समस्याओं पर सड़क से सदन तक लड़ने को तैयार है।"

अपर्णा सेन गुप्ता: "जनता की समस्याओं को लेकर भाजपा ही सड़क से लेकर शासन-प्रशासन तक जवाब मांगने का साहस रखती है। विकास कार्यों में हो रही देरी अब और नहीं चलेगी।"

भाजपा महानगर जिला अध्यक्ष श्रवण राय और ग्रामीण जिला अध्यक्ष घनश्याम ग्रोवर ने भी जनता के समर्थन को रिकॉर्ड तोड़ बताते हुए कहा कि यह आंदोलन जनसमर्थन की ताकत का प्रतीक है, और अफसरशाही अब बर्दाश्त नहीं होगी।

बिजली दरों में बेतहाशा वृद्धि का प्रस्ताव—हेमंत सरकार की जनविरोधी सोच का ताज़ा नमूना” — प्रतुल शाहदेव

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भारतीय जनता पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता प्रतुल शाहदेव ने झारखंड बिजली वितरण निगम लिमिटेड द्वारा प्रस्तावित बिजली दरों में 60 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी को जनता पर थोपे गए जबरन आर्थिक अत्याचार करार दिया।प्रतुल ने कहा कि—“हेमंत सरकार ने आम जनता, किसान, छोटे दुकानदार और उद्योग–धंधों के साथ धोखा करने की ठानी हुई है। बिजली दरों में ऐसी क्रूर वृद्धि इस बात का प्रमाण है कि यह सरकार जनभावनाओं से पूरी तरह कट चुकी है।”

कृषि क्षेत्र में 60% तक बिजली दरों में बढ़ोतरी सरकार की किसान विरोधी सोच को दिखाता है

प्रतुल शाहदेव ने कहा कि ग्रामीण घरेलू उपभोक्ताओं पर ₹6.70 से बढ़ाकर ₹10.20 प्रति यूनिट करने की तैयारी है—यानी लगभग 30% की मार।शहरी उपभोक्ताओं पर ₹6.85 से बढ़ाकर ₹10.30 प्रति यूनिट — फिर 30% की चोट,मासिक चार्ज में अलग से भारी बढ़ोतरी,कमर्शियल कनेक्शन पर बेतहाशा टैक्स जैसा बोझ और औद्योगिक कनेक्शन पर भी लगभग 30% की वृद्धि।उन्होंने कहा कि हेमंत सरकार ने हद तब पार कर दी जब किसानों के लिए बिजली दरों में 60% तक की वृद्धि का प्रस्ताव रख दिया। यह किसानों पर आर्थिक हमला और कृषि की रीढ़ तोड़ने की साज़िश है।

भाजपा सड़क से लेकर हर प्लेटफार्म तक इस वृद्धि का विरोध करेगी

प्रतुल ने कहा कि यह वही सरकार है जो चुनावों में मुफ़्त बिजली, सस्ती बिजली, सब्सिडी की बात करती थी, और अब कुर्सी मिलते ही जनता की जेब काटने में लगी है।उन्होंने कहा कि “झारखंड की जनता पहले ही बेरोजगारी और भ्रष्टाचार से त्रस्त है, और ऊपर से बिजली की कीमतें आसमान पर पहुंचाकर यह सरकार जनता को अंधेरे में धकेलने पर तुली है। भाजपा इस तानाशाही बढ़ोतरी का सड़क से सदन तक जोरदार विरोध करेगी। प्रतुल ने कहा कि किसी भी कीमत पर भारतीय जनता पार्टी सरकार के इस जन विरोधी निर्णय को लागू नहीं होनेदेगी।

राज्य के 1,61,55,740 मतदाताओं का विगत एसआईआर के मतदाता सूची से मैपिंग सम्पन्न


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रांची। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी श्री के. रवि कुमार ने कहा है कि राज्य में वर्तमान मतदाता सूची के मतदाताओं का विगत एसआईआर के मतदाता सूची से मैपिंग के क्रम में 1 करोड़ 61 लाख 55 हजार 740 मतदाताओं का मैपिंग किया जा चुका है। उन्होंने कहा कि अब्सेंट, शिफ्टेड डेथ एवं एक से अधिक स्थान पर सूचीबद्ध श्रेणी के 12 लाख मतदाताओं को सूचीबद्ध किया गया है। इसके साथ ही मतदाता सूची के मैपिंग के अन्य कार्य प्रगति पर है। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी मंगलवार को निर्वाचन सदन से कम पैतृक मैपिंग करने वाले विधानसभा के ईआरओ एवं सभी उप निर्वाचन पदाधिकारियों के साथ बैठक कर रहे थे।

श्री के. रवि कुमार ने कहा कि विगत के एसआईआर के बाद राज्य में अन्य राज्यों से आए मतदाता एवं जिन मतदाताओं का विगत के एसआईआर वाले मतदाता सूची से मैपिंग में कठिनाई आ रही है उनका संबंधित राज्य के सीईओ वेबसाईट अथवा भारत निर्वाचन आयोग के वेबसाईट का उपयोग करते हुए मैपिंग सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि https://voters.eci.gov.in/ का प्रयोग करते हुए अन्य राज्य से आए मतदाताओं का पैतृक मैपिंग करें वहीं झारखंड के मतदाताओं के मैपिंग हेतु मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी झारखंड के वेबसाइट https://ceo.jharkhand.gov.in/ का उपयोग करें।

श्री के. रवि कुमार ने कहा है कि कम परफॉर्मेंस वाले बीएलओ को चिन्हित करते हुए बैचवार ट्रेनिंग दें। इसके साथ ही मतदाताओं को भी पैतृक मैपिंग की प्रक्रिया की जानकारी उपलब्ध कराएं। उन्होंने कहा कि वैसे बीएलओ जो विगत के एसआईआर के मतदाता सूची से मतदाता का विवरण नहीं ढूंढ पा रहे वे अपने जिले मुख्यालय के हेल्पडेस्क मैनेजर से संपर्क कर सहायता प्राप्त कर सकते हैं। उन्होंने ईआरओ एवं उप निर्वाचन पदाधिकारियों से कहा कि बीएलओ को कार्यक्षेत्र में आने वाले कठिनाइयों का आंकलन करते हुए उनकी सहायता करें जिससे वे पैतृक मैपिंग के कार्य को आसानी से कर पाएं ।

मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी ने कहा है कि मैपिंग करते समय एएसडी सूची से भी मिलान अवश्य करें। उन्होंने कहा कि वर्तमान मतदाता सूची के मतदाताओं का पैतृक मैपिंग का कार्य को प्राथमिकता देते हुए करें। अधिक से अधिक पैतृक मैपिंग से एसआईआर के समय कम से कम मतदाताओं को दस्तावेज समर्पित करना पड़ेगा एवं प्रक्रिया में आसानी आएगी। उन्होंने कहा कि एसआईआर के दौरान कोई भी योग्य मतदाता मतदाता सूची से छुटे नहीं इसे ध्यान में रखकर कार्य करें।

बैठक में संयुक्त मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी श्री सुबोध कुमार, नोडल पदाधिकारी श्री देव दास दत्ता, उप निर्वाचन पदाधिकारी श्री धीरज कुमार ठाकुर सहित सभी जिलों के ईआरओ एवं उप निर्वाचन पदाधिकारी उपस्थित थे।

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PVUNL द्वारा SS+2 हाई स्कूल में इंटर-स्कूल साइंस फेयर का सफल आयोजन

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पतरातू। PVUNL के सौजन्य से SS+2 हाई स्कूल में इंटर-स्कूल साइंस फेयर एवं एग्ज़िबिशन का भव्य आयोजन किया गया, जिसमें विभिन्न स्कूलों के छात्रों ने भौतिकी, जीवविज्ञान, रसायन विज्ञान, कृत्रिम बुद्धिमत्ता और पर्यावरण जैसे विषयों पर आकर्षक वर्किंग मॉडल प्रस्तुत किए।

कार्यक्रम में PVUNL के सीईओ श्री अशोक कुमार सेहगल, मुख्य अतिथि श्री जियाउर रहमान (HOHR), अन्य अधिकारी, कर्मचारी, प्राचार्य एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएँ उपस्थित थे। श्री सेहगल ने बच्चों के नवाचार और वैज्ञानिक सोच की सराहना करते हुए आश्वस्त किया कि PVUNL उनके व्यावहारिक और नवोन्मेषी विचारों को आगे बढ़ाने में सदैव सहयोग करेगा।

स्कूल प्राचार्यों ने इस अवसर पर PVUNL की CSR टीम के प्रयासों की प्रशंसा की। प्रदर्शनी उपरांत श्री अनुपम मुखर्जी, CGM (प्रोजेक्ट) श्री नलिनी रंजन, एडीपीओ रामगढ़ ने विजयी team विद्यालयों को सम्मानित कर बच्चों का उत्साहवर्धन किया।

यह कार्यक्रम छात्रों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण और नवाचार को प्रोत्साहित करने की दिशा में एक सराहनीय कदम साबित हुआ।