हेमंत सोरेन के शपथग्रहण में आज होगा इंडी गठबंधन के देश भर के कई बड़े नेताओं का जुटान,हेमन्त अकेले लेंगें आज सीएम पद के शपथ*
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झारखंड डेस्क आज 28 नवंबर (गुरुवार) को शाम चार बजे हेमन्त सोरेन झारखंड के मुख्यमंत्री पद की शपथ लेंगे. सोरेन चौथी बार मुख्यमंत्री के पद की शपथ लेने वाले हैं और शपथ लेने के बाद झारखंड के 14 वें मुख्यमंत्री बन जाएंगे. राजधानी के मोरहाबादी मैदान में शपथ ग्रहण समारोह की भव्य तैयारी की जा रही है….. इंडी गठबंधन में मंत्री के नाम फिनालाल नहीं अभी हेमंत अकेले लेंगे सीएम पद की शपथ हेमंत सोरेन के साथ कांग्रेस और राजद कोटे से एक-एक मंत्री के शपथ लेने की चर्चा भी देर शाम तक चलती रही. हालांकि, इसको लेकर ‘इंडिया गठबंधन’ में कोई फैसला नहीं हुआ था. फिलहाल हेमंत सोरेन के अकेले ही शपथ लेंगे…. शपथ ग्रहण में देश स भर से आये नेता को मिलेगा राजकीय अतिथि का दर्जा शपथ ग्रहण समारोह में सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किये गये हैं. दर्जनभर से ज्यादा आला अधिकारियों को इस समारोह की जिम्मेदारी सौंपी गयी है. शपथ ग्रहण समारोह में ‘इंडिया गठबंधन’ की ताकत भी दिखेगी. इस समारोह में देशभर से ‘इंडिया गठबंधन’ के आला नेता और गठबंधन शासित राज्यों के मुख्यमंत्री पहुंचेंगे. इन्हें सरकार ने राजकीय अतिथि का दर्जा दिया है. इधर, कार्यवाहक सीएम हेमंत सोरेन बुधवार शाम मोरहाबादी मैदान पहुंचे. उन्होंने समारोह की तैयारी का जायजा लिया और अफसरों को आवश्यक निर्देश दिये…. *इस कार्यक्रम में शामिल होने वाले दिग्गजों के नाम* मल्लिकार्जुन खरगे, अध्यक्ष कांग्रेस पार्टीराहुल गांधी नेता प्रतिपक्ष, लोकसभा (कांग्रेस)शरद पवार, अध्यक्ष एनसीपीममता बनर्जी, मुख्यमंत्री, पश्चिम बंगालकोंराड कोंगकल संगमा, सीएम मेघालयभगवंत मान, मुख्यमंत्री, पंजाबसुखविंद्र सिंह सुखू, सीएम, हिमाचलदीपांकर भट्टाचार्य, महासचिव, मालेअरविंद केजरीवाल, पूर्व मुख्यमंत्री दिल्ली और आप पार्टी के अध्यक्षउद्धव ठाकरे, शिवसेना(उद्धव) सह पूर्व मुख्यमंत्री महाराष्ट्रअखिलेश यादव, अध्यक्ष, सपामहबूबा मुफ्ती, पीडीपी नेता, जम्मू-कश्मीरउदय स्टालिन, डिप्टी सीएम, तमिलनाडुडीके शिवकुमार, डिप्टी सीएम, कर्नाटकतेजस्वी यादव, नेता प्रतिपक्ष, बिहारमनीष सिसोदिया (आप, दिल्ली),राजेश रंजन (पप्पू यादव), सांसदसंजय सिंह, सांसद (आप)इनके अलावा शपथ ग्रहण समारोह में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के पिता और राज्यसभा सांसद शिबू सोरेन, माता रूपी सोरेन भी मौजूद रहेंगे. *अबुआ सरकार की एक नयी पारी शुरू होगी : हेमंत सोरेन* शिबू सोरेन के पिता शहीद सोबरन सोरेन के शहादत दिवस के दौरान उन्होंने वहां मौजूद लोगों से कहा कि आप लोगों ने अपनी मेहनत और लगन के साथ फिर से अबुआ सरकार चुनकर इस राज्य की शान बढ़ायी है. फिर से अबुआ सरकार की एक नयी पारी शुरू होगी. उन्होंने क्षेत्र के लोगों से 28 नवंबर को रांची में होने वाले सरकार के शपथ ग्रहण कार्यक्रम में शामिल होने की अपील भी की….
मौसम: झारखंड में दो से तीन दिन बाद से लगातार गिरेगी तापमान,उसके बाद लगातार बढ़ेगी ठंड
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* झारखंड डेस्क रांची : झारखंड के आधिकांश जिलों में टेम्परेचर लगातार गिरते जा रहा है, जिस चलते राज्य में ठंड बढ़ रही है। मौसम विभाग के अनुसार आगामी दो दिसम्बर तक आसमान में आंशिक बादल छाये रहने की संभावना है। राजधानी रांची समेत अन्य जिलों में आने वाले 3 दिनों तक मौसम का मिजाज बदला रहेगा। एक तरफ जहां कुछ दिनों से दोपहर के समय तेज धूप खिल रही थी, वहीं अब दोपहर के समय आसमान में आंशिक बादल दिखायी दे रहे हैं। हालांकी बारिश नहीं हो रही, लेकिन आंशिक बादल छाये रहने की वजह से लोगों को ठंड का एहसास हो रहा है। मौसम वैज्ञानिक अभिषेक आनंद की मानें तो आने वाले दो-तीन रोज तक न्यूनतम तापमान में कोई बड़ा बदलाव नहीं रहेगा, लेकिन उसके बाद लगातार न्यूनतम तापमान में गिरावट देखी जा सकती है।
नीट पेपर लीक मामला: धनबाद-बोकारो के तीन लोग समेत पांच के खिलाफ सीबीआई की चार्जशीट
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* रांची : सीबीआई ने नीट 2024 प्रश्नपत्र चोरी मामले में पांच आरोपियों के खिलाफ पांचवां आरोपपत्र दाखिल किया है. इस मामले में अब तक 45 आरोपियों के खिलाफ आरोपपत्र दाखिल किया जा चुका है, . जिन पांच आरोपियों के खिलाफ आरोप पत्र दाखिल किया गया है, उसमें धनबाद निवासी अमित कुमार सिंह, बोकारो निवासी सुदीप कुमार, युवराज कुमार, बिहार का नालंदा निवासी अभिमन्यु पटेल और पटना का रहने वाला अमित कुमार शामिल है. इसके साथ ही इस मामले में कुल 45 आरोपियों के खिलाफ आरोप पत्र दाखिल किया गया है और वे सभी अभी भी न्यायिक हिरासत में हैं. *हजारीबाग में रची गयी थी साजिश* चर्चित नीट पेपर लीक मामले की जांच सीबीआई कर रही है. सीबीआई की जांच में खुलासा हुआ है कि हजारीबाग स्थित ओएसिस स्कूल के प्रिंसिपल डॉ अहसानुल हक को नीट यूजी 2024 परीक्षा के लिए हजारीबाग के सिटी कोऑर्डिनेटर के तौर पर प्रतिनियुक्त किया गया था. अहसानुल हक ने उसी स्कूल के वाइस प्रिंसिपल और नीट यूजी परीक्षा के लिए सेंटर सुपरिटेंडेंट मोहम्मद इम्तियाज आलम और अन्य आरोपियों के साथ मिलकर नीट प्रश्नपत्र चोरी करने की साजिश रची थी. *सीबीआई ने पेपर लीक के लाभार्थी उम्मीदवारों की पहचान कर ली है* सीबीआई ने बताया कि अब तक इस नीट पेपर लीक मामले में कुल 48 लोगों को गिरफ्तार किया जा चुका है. सीबीआई ने इस पेपर लीक के लाभार्थी उम्मीदवारों की भी पहचान कर ली है और आवश्यक कार्रवाई के लिए नेशनल टेस्टिंग एजेंसी के साथ उनका विवरण साझा किया है. शेष गिरफ्तार आरोपियों के संबंध में जांच और अन्य पहलुओं के संबंध में आगे की जांच जारी है.
आज हेमन्त सोरेन चौथी बार लेंगे सी एम पद का शपथ,4 बजे रांची के मोरहाबादी मैदान में कार्यक्रम आयोजित,
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* *राहुल गांधी,डीके शिवकुमार,भागवत सिंह मान सहित कई गणमान्य लेंगे भाग* झारखंड डेस्क रांची: आज गुरुवार, 28 नवंबर को हेमंत सोरेन झारखंड के मुख्यमंत्री पद की चौथी बार शपथ लेंगे. रांची के मोरहाबादी मैदान में शपथ ग्रहण समारोह आयोजित किया गया हैं. शपथ ग्रहण कार्यक्रम शाम 4 बजे से है. कार्यक्रम में भाग लेने के लिए कर्नाटक के डिप्टी सीएम डीके शिवकुमार रांची पहुंच चुके हैं. शपथ ग्रहण में लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी गुरुवार दोपहर 3 बजे रांची पहुंचेंगे. वहीं पश्चिम बंगाल की सीएम ममता बनर्जी दोपहर 2:15, पंजाब के सीएम भगवंत मान दोपहर 2:30 , आरजेडी नेता तेजस्वी यादव दोपहर 1 बजे रांची के बिरसा मुंडा एयरपोर्ट पहुंचेंगे.
झरिया पुनर्वास का संशोधित मास्टर प्लान अभी केंद्र सरकार के पास मंजूरी के लिए लंबित

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इसे धरातल पर उतारने के लिए हो सकती है रागिनी सिंह कि बड़ी भूमिका

झा. डेस्क 

झरिया से इस बाऱ रागनी सिंह भाजपा की टिकट पर चुनाव जीत गयी है. रागनी सिंह विधायक बनी है तब भी और नहीं थी तब भी लगातार झरिया के जनता के साथ रही. उसके हर सुख दुख में वह यहां के लोगों के साथ खड़ी दिखी.

संजीव सिंह भी जब तक विधायक रहे जनता से उनका सीधा जुड़ाव रहा है. अब चुकी जनता ने उन्हें अपना प्रतिनिधि चुनकर विधानसभा भेज दिया है. तो जनता की अपेक्षा भी उनसे बढ़ गयी. और अभी अवसर भी है वह चाहेगी तो इस अवसर पर झरिया की जनता को बड़ा तोहफा दिला सकती है.

दरअसल झरिया में भूमिगत आग सौ साल से भी पुरानी है. झरिया में विस्थापन बड़ी समस्या है. अगर कहा जाय तो विस्थापन और प्रदूषण ही झरिया की सबसे बड़ी समस्या है. यह समस्या झरिया से नव निर्वाचित विधायक रागिनी सिंह के लिए यह बड़ी चुनौती भी है, तो अग्नि परीक्षा भी है. 

ऐसा इस लिए कि झरिया का संशोधित मास्टर प्लान अभी केंद्र सरकार के पास मंजूरी के लिए लंबित है. इस बीच यह सूचना आई है कि झरिया के संशोधित पुनर्वास योजना को कैबिनेट से मंजूरी के पूर्व नए कोयला सचिव बीसीसीएल की भूमिगत आग प्रभावित क्षेत्र का दौरा कर सकते है.  

यह भी सूचना है कि दौरे की तिथि 29 नवंबर को प्रस्तावित है. वैसे लोकसभा का सत्र चलने के कारण तिथि में बदलाव भी हो सकता है. सूत्र बताते हैं कि कोयला सचिव ने झरिया पुनर्वास पर इसी महीने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए बीसीसीएल के सीएमडी सहित अन्य अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की थी. समीक्षा बैठक के दौरान उन्होंने आग प्रभावित क्षेत्रों को देखने की इच्छा व्यक्त की थी. झरिया पुनर्वास योजना पहले लोकसभा चुनाव एवं उसके बाद झारखंड विधानसभा चुनाव को लेकर जारी आचार संहिता में फंसी हुई थी. अब आचार संहिता की अवधि समाप्त हो गई है. 

इसलिए उम्मीद है कि झरिया पुनर्वास की संशोधित योजना को जल्द कैबिनेट से स्वीकृति मिल सकती है. एक लाख चार हज़ार परिवारों का पुनर्वास उक्त योजना से हो सकता है. 

कई मुद्दों पर योजना को कैबिनेट से स्वीकृति मिलने के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी कि क्या और कैसे होने है. अति संवेदनशील क्षेत्रों में रह रहे लोगों का पुनर्वास पहले चरण में किया जाना है. झरिया से इस बार फिर भाजपा की जीत हुई है. अगर कैबिनेट से मंजूरी मिल जाए और पुनर्वास का काम तेज गति से हो तो एक लाख चार हज़ाए परिवारों को राहत मिल सकती है. इसके लिए रागिनी सिंह की बड़ी भूमिका हो सकती है. ऐसा इसलिए कि केंद्र में भाजपा कि सरकार है, रागिनी सिंह भाजपा से विधायक हैं और अगर वे इस दिशा में पहल करेगी, केंद्र सरकार से बात करेगी, कोयला मंत्रालय के सचिव को कंविन्स करेगी तो यह काम जल्द और आसानी से हो सकता है इससे जनता के बीच रागिनी सिंह के इस पहल का उपलब्धि का अच्छा संदेश जायेगा. और इसका क्रेडिट रागिनी सिंह के खाते में जा सकता है. 

वैसे, झरिया अब वह झरिया नहीं रही. जिसके लिए झरिया जानी जाती थी. धनबाद की झरिया देश की अनूठी कोयला बेल्ट है. दुनियाभर से अच्छी गुणवत्ता का कोयला झरिया में ही मिलता है. विशेषता यह भी है कि यह कोयला जमीन के बहुत करीब होता है. कोयला खनन का यहां इतिहास बहुत पुराना है. 1884 से झरिया इलाके में कोयला का खनन किया जा रहा है. भूमिगत आग का पता भी 1919 में इसी इलाके से चला. कोयलांचल की अर्थव्यवस्था का प्रमुख केंद्र पहले झरिया थी. आज भी कमोवेश है.

भेलवारा जंगल में जंगली हाथी के हमले से एक की मौत, दो घायल।


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रिपोर्टर पिंटू कुमार 

सदर विधानसभा क्षेत्र के भेलवारा के पोथातारी जंगल में जंगली हाथी के हमले में एक महिला की मौत हो गई, जबकि दो अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। मृतका का नाम पूनम देवी है, जो घटनास्थल पर ही दम तोड़ दी। वहीं, घायल पिंकी कुमारी और रोशनी देवी को तत्काल शेख भिखारी मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया गया।

घटना की जानकारी मिलते ही नवनिर्वाचित सदर विधायक प्रदीप प्रसाद अस्पताल पहुंचे और घायलों के परिवार से मुलाकात की। उन्होंने इस दुखद घटना पर गहरा दुःख प्रकट करते हुए कहा, “आपके परिवार के साथ जो हुआ, उसका दुख हम सभी को है।” विधायक ने परिजनों को हरसंभव मदद का आश्वासन दिया और कहा कि उनके लिए उनके द्वार हमेशा खुले हैं।

विधायक ने वन विभाग के अधिकारियों से बातचीत कर जंगली हाथियों की गतिविधियों पर नजर रखने और स्थानीय निवासियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए ठोस कदम उठाने का निर्देश दिया। साथ ही, उन्होंने मृतका के परिजनों को मुआवजा दिलाने और घायलों के इलाज के लिए हर संभव प्रयास करने का भरोसा दिलाया।

झारखंड में भाजपा की हार से बौखलाये कार्यकर्त्ता अपने नेता को ठहरा रहें हैं कसूरवार, 30 नवम्बर को होगी समीक्षा बैठक


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झारखंड डेस्क 

भाजपा ने कभी नहीं सोचा होगा, कि झारखंड में इतनी करारी हार मिलेगी। आदिवासी वोटरों के बीच बुरी तरह से हारे भाजपा ने इस बार अपने उन इलाकों को भी गंवा दिया, जहां से वो जीतती आ रही थी।

धनबाद, बोकारो जैसे जिलों से उसे अच्छे वोट की उम्मीद थी, लेकिन हर जगह से उसे मायूसी मिली। इधर अब हार की वजह तलाशने की शुरूआत भाजपा कर रही है। उधर इस हार ने भाजपा कार्यकर्ताओं को भी आक्रोशित कर दिया है।

भाजपा ने 30 नवंबर को हार की समीक्षा के लिए बैठक बुलायी है। बैठक में शीर्ष नेता मौजूद रहेंगे, जो हार की समीक्षा करेंगे। लेकिन बड़ा सवाल ये है कि क्या भाजपा खुद की कमजोरी की वजह से हारी या फिर विपक्ष की मजबूती की वजह से। ऐसा इसलिए क्योंकि झामुमो की तरफ से कल्पना सोरेन ने 98 सभाएं की।

हेमंत सोरेन लगभग सभी क्षेत्र में गए। लेकिन भाजपा के बड़े आदिवासी नेता बाबूलाल मरांडी, अर्जुन मुंडा, चंपई सोरेन अपने ही क्षेत्र में सिमटे रहे। कल्पना सोरेन के सामने केंद्रीय नेतृत्व ने स्मृति इरानी या बांसुरी स्वराज को भेजा होता तो इसका असर होता।

भाजपा के कार्यकर्ता इसके लिए विरोधियों से ज्यादा अपने नेताओं को ज्यादा जिम्मेदार बता रहे हैं। भाजपा कार्यकर्ता का कहना है कि भाजपा नेता मान चुके थे कि सरकार उनकी ही बनेगी, इसलिए किसी ने मेहनत ही नहीं की। जिन्होंने कभी वार्ड का चुनाव नहीं लड़ा उन्हें पलामू और संताल परगना जैसे बड़े प्रमंडल का प्रभारी बना दिया गया।

बालमुकुंद सहाय को संताल परगना का प्रभारी बनाया गया। इसी तरह विकास प्रीतम को पलामू का प्रभारी बनाया गया। गणेश मिश्रा एक बार विधानसभा का चुनाव लड़कर हार चुके हैं। उन्हें दक्षिण छोटानागपुर का प्रभारी बनाया गया। हार के लिए इन्हें सबसे बदाड़ा गुनाहगार बताया जा रहा है।

कमाल की बात ये है कि जिन्हें प्रभारी बनाया गया, वो खुद ही चुनाव लड़ना चाहते थे। ऐसे में अगर किसी दूसरे को जीताने की जिम्मेदारी उन्हें दी गयी, तो क्या उन्होंने जिम्मेदारी के साथ काम किया होगा। दावा किया जा रहा है कि विकास प्रीतम गिरिडीह जिले की किसी सीट से तो बालमुकुंद सहाय गढ़वा से चुनाव लड़ना चाहते थे।

शपथ ग्रहण से पूर्व एमपी-एमएलए कोर्ट से बड़ा झटका,कोर्ट ने व्यक्तिगत पेशी से छूट का आग्रह का किया इंकार, व्यक्तिगत पेशी का दिया आदेश


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झारखंड डेस्क 

झारखंड के कार्यवाहक सीएम हेमंत सोरेन को एमपी-एमएलए कोर्ट से बड़ा झटका लगा है। ईडी के समन की अवहेलना मामले में 

उनकी ओर से व्यक्तिगत पेशी से छूट का आग्रह करते हुए याचिका दायर की गई थी।

एमपी-एमएलए कोर्ट ने इस याचिका को खारिज कर दिया है। कोर्ट ने उन्हें चार दिसंबर को व्यक्तिगत रूप से अदालत में हाजिर होने का आदेश दिया है।

अदालत ने ईडी की ओर से इस मामले में दायर मुकदमे में हेमंत सोरेन को व्यक्तिगत तौर पर उपस्थिति से छूट देने से इनकार कर दिया है। हेमंत सोरेन ने 5 जुलाई को अदालत में याचिका दाखिल कर दरख्वास्त की थी कि ईडी की ओर से समन अवहेलना का आरोप लगाते हुए उनके खिलाफ जो शिकायतवाद दायर की है, उसमें सुनवाई के दौरान उन्हें व्यक्तिगत तौर पर उपस्थिति से छूट दी जाए।

एमपी-एमएलए के स्पेशल कोर्ट के न्यायाधीश सार्थक शर्मा की अदालत ने सोरेन की याचिका पर सुनवाई और दोनों पक्षों की बहस पूरी होने के बाद 11 नवंबर को अपना आदेश सुरक्षित रख लिया था। अब अदालत ने याचिका खारिज करते हुए याचिकाकर्ता को इस मामले में व्यक्तिगत रूप से बुलाया है और चार दिसंबर की तारीख निर्धारित की है।

कोर्ट ने प्रथम दृष्टया यह माना है कि हेमंत सोरेन ने ईडी की ओर से भेजे गए समन का उल्लंघन किया। ईडी की ओर से सीजेएम कोर्ट में 19 फरवरी को शिकायतवाद दर्ज कराया गया था। इसमें एजेंसी ने बताया है कि जमीन घोटाले में पूछताछ के लिए हेमंत सोरेन को दस समन भेजे गए थे, लेकिन इनमें से मात्र दो समन पर वह उपस्थित हुए।

यह पीएमएलए (प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट) की धारा 63 एवं आईपीसी की धारा 174 के तहत गैरकानूनी है। कोर्ट ने इस मामले में सुनवाई के बाद 4 मार्च को संज्ञान लिया था। बाद में यह मामला एमपी-एमएलए स्पेशल कोर्ट में स्थानांतरित कर दिया गया था।

बता दें कि रांची के बड़गाईं अंचल से संबंधित जमीन घोटाले को लेकर ईडी ने हेमंत सोरेन को पहली बार 14 अगस्त 2023 को हाजिर होने के लिए समन भेजा गया था। इसके बाद इसी वर्ष उन्हें 19 अगस्त, 1 सितंबर, 17 सितंबर, 26 सितंबर, 11 दिसंबर, 29 दिसंबर को और 2024 में 13 जनवरी, 22 जनवरी और 27 जनवरी को समन भेजे गए थे। दसवें समन पर उनसे 31 जनवरी को पूछताछ हुई थी और इसके बाद उन्हें गिरफ्तार किया गया था।

आपसी विवाद में 15 लाख के इनामी नक्सली छोटू खरवार मारा गया, पुलिस को मिली बड़ी राहत


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झारखंड डेस्क 

लातेहार से कुख्यात इनामी नक्सली छोटू खरवार को मारे जाने की खबर आ रही है। छोटू खरवार का मारा जाना पुलिस के लिए राहत बताया जा रहा है। लातेहार जिले के नवाडीह में मंगलवार देर रात छोटू खरवार के मारे जाने की बात बताया जा रही है। 

जानकारी के अनुसार एनआईएन और झारखंड पुलिस पुलिस ने नक्सली कमांडर छोटू खरवार पर 15 लाख का इनाम घोषित किया था। खबर यह भी है कि आपसी विवाद में माओवादी छोटू खरवार की हत्या हुई है। हालांकि पुलिस अभी मामले की छानबीन में जुटी हुई है। छोटू खरवार पर कई थानों में नक्सली वारदात किये जाने के कई मामले दर्ज हैं। लातेहार, पलामू, गढ़वा, लोहरदगा, गुमला समेत कई अन्य जिलों के थानों में हत्या, आगजनी, गोलीबारी, विस्फोट सहित 100 से अधिक मामले दर्ज हैं। छोटू खरवार NIA की मोस्ट वांटेड लिस्ट में भी शामिल था।

जमशेदपुर पश्चिम से नव निर्वाचित विधायक सरयू राय का उनके समर्थकों ने किया सम्मानित, उन्हें लड्डू से तौला गया


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झारखंड डेस्क 

जमशेदपुर पश्चिम से नव निर्वाचित विधायक सरयू राय का लगातार उनके समर्थक और उनको चाहने वाले लोग सम्मानित और अभिनन्दन कर रहे हैं।वे दूसरी बाऱ चुने गए इसके पूर्व वे निर्दलीय पूर्वी जमशेदपुर से चुने गए जबकि इस बार पश्चमी से कांग्रेस प्रत्याशी बन्ना गुप्ता को शिकस्त दिया।

इसी क्रम में आज बुधवार को मानगो में अभिनंदन किया गया। श्री राय को उनके समर्थकों ने लड्डुओं से भी तौला। उन्हें लड्डुओं से तौलने का यह उपक्रम त्रयंबकेश्वर महादेव मंदिर (बड़ा हनुमान मंदिर) मानगो के सम्मुख हुआ ।

इसके पूर्व श्री राय ने त्रयंबकेश्वर महादेव मंदिर में हनुमान जी की विधिवत पूजा-अर्चना की। इस मौके पर श्री राय ने कहा कि वह पश्चिम की जनता के शुक्रगुजार हैं, जिन्होंने उन्हें चुनाव में विजयी बना कर सेवा का मौका दिया।

श्री राय ने कहा कि वह सेवा करते रहेंगे। विकास के जो कार्य अधूरे रह गये थे, उन्हें पूरा करेंगे।

अभिनंदन कार्यक्रम को सफल बनाने में मस्तान सिंह, पप्पू सिंह, नीरज सिंह, राजेश श्रीवास्तव, मोनू पांडेय, विजेंद्र सिंह, भवानी सिंह, उषा यादव, मृत्युंजय सिंह, श्याम सिंह, छोटन मिश्रा समेत दर्जनों लोगों की महती भूमिका रही।