Jharkhand

May 08 2020, 16:30

पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी की छवि और जनाधार से झामुमो को भय सताने लगा है

 रांची : भाजपा के प्रदेश प्रवक्ता प्रतुल शाहदेव ने झारखंड मुक्ति मोर्चा के महासचिव के बयान पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है जिसमे उन्होंने कर्नाटक की सरकार की तुलना तानाशाह ईदी अमीन से की थी। प्रतुल ने कहा की झारखंड मुक्ति मोर्चा के नेता हिटलर के प्रचार मंत्री गोएबल्स के उस सोच पर चल रहे है जिसमे ये माना जाता था की आप एक ही झूठ को बार बार बोलेंगे तो जनता उसे सच मानने लगेगी।प्रतुल ने कहा की झामुमो नेताओं को अपनी स्मरण शक्ति ठीक करनी चाहिए। झारखंड के मजदूरों की पिटाई कांग्रेस शासित प्रदेश पंजाब के लुधियाना रेलवे स्टेशन पर हुई थी जब मंत्री मिथिलेश ठाकुर के एक ट्वीट के कारण वहां हजारों लोग ट्रेन की आशा में जुट गए थे। कर्नाटक में मुख्यमंत्री ने लौटने वाले प्रवासी मजदूरों को हाथ जोड़कर आग्रह किया था की अब विभिन्न सेक्टरों में काम वापस शुरू हो रहा है।इसलिए अगर वो चाहे तो रुक सकते हैं ।कर्नाटक ने उनके रहने के लिए आवास और भोजन का भी बेहतर प्रबंध किया गया था। हजारों मजदूर इस अपील को मानकर रुक गए और जो लौटना चाहते थे उनके लिए कर्नाटक सरकार के द्वारा रेलवे के साथ सामंजस्य में स्पेशल ट्रेन की व्यवस्था की गई है।प्रतुल ने कहा की पूर्व मुख्यमंत्री बाबूलाल मरांडी जी के भाजपा में शामिल होने और विधायक दल के नेता बनने से झारखंड मुक्ति मोर्चा पूरे तरीके से पैनिक मोड में है। बाबूलाल जी की छवि और जनाधार के कारण झामुमो को अपना भविष्य अंधकारमय दिख रहा है। बाबूलाल मरांडी जी से झामुमो के भय का अंदाज़ इस बात से लगाया जा सकता है की विपक्ष के नेता के मुद्दे को महीनों से लटका कर रखा गया है।स्पीकर को सिर्फ दो पन्ने के 10th शेड्यूल को पढ़ने में महीनों लग जाते हैं।जबकि इस मुद्दे पर न तो कोई शिकायतकर्ता है और न ही कोई गवाह।दरअसल झामुमो को अपना राजनीतिक अंत  दिख रहा है इसलिए उसके नेता बयान देकर भ्रम फैलाना चाह रहे हैं।लेकिन झारखंड की जनता ने पिछले साढे 4 महीने में तुष्टीकरण का नंगा नाच देखा है।जनता इस ट्विटर सरकार की असलियत को  समझ चुकी है।

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May 08 2020, 06:36

बुद्ध पूर्णिमा का चन्द्रमा, और चाँद बादल में लुका-छिपी खेलते हैं कुछ ऐसा दिखा धनबाद के आसमान में रात का नजारा

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May 08 2020, 06:35

बुद्ध पूर्णिमा का चन्द्रमा, और चाँद बादल में लुका-छिपी खेलते हैं कुछ ऐसा दिखा धनबाद के आसमान में रात का नजारा

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May 07 2020, 18:13

नगर निगम के सफाई कर्मियों, वार्ड जमादारों एवं वाहन चालकों के बीच सुरक्षा किट का वितरण

हजारीबाग - नगर निगम क्षेत्र के वार्ड संख्या 1 से 10 एवं और वार्ड संख्या 12 के सफाई कर्मियों, वार्ड जमादार एवं वाहन चालकों के बीच पीपीई किट, जिसमें सुरक्षात्मक संक्रमण से बचाव के लिए शू-कवर, फेस मास्क, हेड कवर, अपर-लोअर सेट का वितरण महापौर रोशनी तिर्की सहित वार्ड पार्षदों, नगर प्रबंधक स्नेहा श्री, राजीव रंजन एवं हेड जमादार दीपक कुमार गोस्वामी के द्वारा किया गया।
नगर निगम हजारीबाग के द्वारा सभी सफाई कर्मियों को अपने दैनिक कर्तव्यों के दौरान कोरोना वायरस संक्रमण से बचाव के लिए किट का वितरण किया गया। नगर निगम महापौर रौशनी तिर्की ने बताया कि सभी 36 वार्डों में सफ़ाई कार्यों में जुटे सफ़ाई कर्मियों को दो दो सेट सम्पूर्ण पीपीई किट का वितरण किया जाएगा। किट वितरण कार्यक्रम के तहत आज कुल 118 सेट किट का वितरण किया गया। इस वितरण कार्यक्रम के बीच सफाई कर्मियों को सामाजिक दूरी बनाने एवं सतर्कता संबंधी आवश्यक दिशा-निर्देश के बारे में अवगत कराया गया।

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May 07 2020, 18:10

प्रवासियों के घर लौटने का सिलसिला जारी, अगल अगल जिलों से 66 लोग लौटे सरायकेला, स्क्रीनिंग के बाद भेजा गया होम क्वॉरेंटाइन
सरायकेला - लॉकडाउन की वजह से विभिन्न राज्यों में फंसे प्रवासी मजदूरों को उनके गृह जिला में लाने के लिए गृह सचिव, भारत सरकार द्वारा निर्गत आदेश के बाद सभी राज्यों ने अपने अपने लोगों को आने का प्रयास शुरू कर दिया है। झारखंड में भी बाहर से लोग लाए जा रहे हैं, साथ ही दूसरे जिलों में फंसे लोगों को भी अपने जिलों में लाया जा रहा है। इसी क्रम में गुरूवार को जसीडीह से 10, बरकाकाना से 49, धनबाद से 7 में फंसे सरायकेला जिले के सभी प्रवासी मजदूरों को सम्मान वाहन से सरायकेला लाया गया। 
    
मौके पर सरायकेला खरसावां के अधिकारियों ने उनका स्वागत किया। जिला स्तर रिसीविंग सेंटर सामुदायिक भवन परिसर में स्थापित अस्थायी टेंट में प्रखंडवार टेबल लगाए गए है। जहां सभी 66 व्यक्तिओं की थर्मल स्क्रीनिंग व स्वास्थ्य परीक्षण किया गया। उनके भोजन व पेयजल की समुचित व्यवस्था की गई। सभी मजदूरों को थर्मल स्क्रीनिंग व स्वास्थ्य परीक्षण के आधार पर बसों द्वारा उनके घर के लिए रवाना किया गया।  
ज्ञात हो कि उपायुक्त, सरायकेला खरसावां उपायुक्त महोदय द्वारा सभी मजदूरों को 28 दिनों तक होम क्वारेंटाईन में रहने का सख्त निर्देश दिया गया है । उन्होंने कहा है कि इसके उल्लंघन की स्थिति में सम्बन्धित मजदूर के विरुद्ध विधि-सम्मत कार्रवाई करने का प्रावधान है। 
जिला प्रशासन द्वारा सरायकेला जिले के प्रवासी मजदूर व अन्य को लाने हेतु हर सम्भव प्रयास किये जा रहे हैं। साथ ही जिला स्तर के नोडल पदाधिकारियों द्वारा अन्य राज्यों व जिलों के नोडल अधिकारियों से समन्वय स्थापित कर आवश्यक कार्रवाई की जा रही है।

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May 07 2020, 16:53

अन्य प्रदेशों से स्पेशल ट्रेन से लौट रहे प्रवासी मजदूरों को धनबाद के बजाए सरिया में उतारने की तैयारी 


राहुल सिन्हा 

गिरिडीह : गिरिडीह जिला प्रशासन अन्य प्रदेशों से स्पेशल ट्रेन के माध्यम से वापस लौट रहे गिरिडीह के प्रवासी मजदूरों को धनबाद रेलवे स्टेशन के बजाए हजारीबाग रोड रेलवे स्टेशन पर उतारने की तैयारी में है। इसको लेकर गिरिडीह उपायुक्त राहुल कुमार सिन्हा और एसपी सुरेंद्र कुमार झा गुरुवार को सरिया स्थित हजारीबाग रोड रेलवे स्टेशन पहुंचे  और स्टेशन का मुआयना किया। इस दौरान उपायुक्त के साथ स्थानीय प्रशासनिक अधिकारी और रेलवे कर्मी भी मौजूद रहे। 
इस बाबत उपायुक्त राहुल सिन्हा ने बताया कि हैदराबाद समेत अन्य प्रदेशों से स्पेशल ट्रेन से मजदूर रोजाना वापस लौट रहे हैं।फिलहाल सभी को धनबाद रेलवे स्टेशन पर उतारा जा रहा है। इन मजदूरों में अधिकतर गिरिडीह जिले के मजदूर हैं। इन मजदूरों को गिरिडीह लाने के लिए 45 बसें धनबाद भेजनी पड़ रही है। जिससे आने जाने में काफी समय लग जाता है। 
 उन्होंने कहा कि चूंकि ट्रेन हजारीबाग रोड रेलवे स्टेशन यानि सरिया से ही होकर गुजरती है ऐसे में अगर इन श्रमिकों को सरिया में ही उतारा जाए तो इससे धनबाद रेलवे प्रशासन ,गिरिडीह जिला प्रशासन और श्रमिकों सभी को सहूलियत होगी।
 इसको लेकर सरकार के पास सुझाव भेजा जा रहा है। अगर ऐसा हो जाता है तो गिरिडीह के मजदूरों को सरिया में ही उतारा जाएगा और फिर यहां से मजदूरों को उनके गृह प्रखंड तक पहुंचाया जाएगा।

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May 07 2020, 16:48

बाघमारा के खोखीबीघा गांव में कोयला मजदूरों के बीच किया गया राशन का वितरण 

धनबाद। पाठशाला परिवार कतरास बाजार की ओर से 80 परिवारों के बीच बाघमारा के खोखीबीघा गांव में आटा, दाल, हल्दी आलू, नमक आदि का वितरण किया गया। मौके पर मुख्य रूप से दिहाड़ी मजदूरों को रखा गया जो दैनिक मजदूरी कर कोयला जगत से जुड़े हुए हैं।
पाठशाला परिवार पूरे धनबाद जिले में भोजन वितरण के लिए काफी सराहनीय कार्य कर रही है l उनके तीस कम्युनिटी किचन और प्रतिदिन सैकड़ों लोगों के बीच राशन वितरण कार्यक्रम चल रहा है।
पाठशाला एक स्वयंसेवी संगठन है जहां पर निर्धन और गरीब तबके के बच्चों को निशुल्क शिक्षा दी जाती है पाठशाला के संस्थापक देव कुमार वर्मा जो की बीसीसीएल में बतौर प्रबंधक कार्यरत है।
पाठशाला के संस्थापक देव कुमार का कहना है कि अभी तक पाठशाला ने एक लाख लोगों तक एक वक्त का भोजन पहुंचाया है और उनकी तमन्ना है कि वह लॉक डाउन के अवधि तक दस लाख जरूरतमंद लोगों तक भोजन पहुंचा पाएं।

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May 07 2020, 16:38

लॉकडाउन में फंसे लोगों के लिए ई-पास की व्यवस्था, घर वापसी के लिए मजदूर, विद्यार्थी या तीर्थयात्री लिंक के जरिए करे आवेदन: उपायुक्त 

सरायकेला – जिला उपायुक्त सह जिला दंडाधिकारी ए दोड्डे ने कहा कि कोरोना वायरस के प्रसार को रोकने के उद्देश्य से पूरे देश में लॉक डाउन लागू है।लेकिन लॉक डाउन के बीच अगर आपको कहीं जाना हो तो उसके लिए जिला प्रशासन द्वारा ऑनलाइन ई पास की व्यवस्था की गई है।ऑनलाइन ई पास के माध्यम से दूसरे राज्य एवं जिले में आवागमन करने हेतु छूट दी जाएगी।ऑनलाइन ई पास प्राप्त करने हेतु आवेदक को http://bit.ly/2WadwoV पर स्वयं को पंजीकृत कर ई पास के लिए ऑनलाइन आवेदन समर्पित कर सकते हैं।

तीन तरह के ई पास निर्गत किए जाएंगे: उपयुक्त
उपायुक्त दोड्डे ने बताया कि ई पास सिस्टम के तहत झारखंड राज्य से बाहर जाने हेतु, सरायकेला जिला से बाहर झारखंड राज्य के किसी भी जिले में जाने हेतु एवं सरायकेला जिला अंतर्गत सभी स्थानों के लिए पास निर्गत किए जाएंगे।  इसके लिए तीन अलग अलग लॉगिन का प्रधान किया गया है।
उन्होंने बताया कि पास निर्गत करने हेतु जिला परिवहन पदाधिकारी श्री मुस्तकीम अंसारी  (प्रभारी) को इंसिडेंट कमांडर के रूप में प्राधिकृत किया गया है।जिला परिवहन पदाधिकारी एवं जिला सूचना विज्ञान पदाधिकारी श्री किशोर प्रसाद आपस में समन्वय स्थापित कर ऑनलाइन ई पास निर्गत करेंगे। उन्होंने बताया कि जो प्रवासी मजदूर या छात्र या तीर्थयात्री कहीं बाहर फंसे हुए हैं एवं अपने घर लौटना चाहते हैं वे सभी http://bit.ly/2WadwoV पर ई पास के लिए आवेदन कर सकते हैं।

 ऐसे करें आवेदन 

http://bit.ly/2WadwoV लिंक पर जाने के बाद आवेदनकर्ता से मोबाइल नंबर मांगा जाएगा।ओटीपी डालने पर एक पेज खुलेगा। पेज में पर्सनल डिटेल जैसे फैमिली डिटेल, ड्राइवर का नाम, कहां जाना है उसकी जानकारी सहित वाहन का नंबर, चालक का नाम एक आईडी प्रूफ व फोटो अपलोड करना होगा। साथ ही किस दिन और कितने बजे यात्रा करना चाहते हैं, यह जानकारी देनी होगी। इसके बाद पेज को सबमिट करना होगा। आवेदन की समीक्षा के बाद पास जारी कर दिया जाएगा।

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May 07 2020, 13:43

देवघर में ई-पास की सुविधा शुरू, जिला उपायुक्त ने दी जानकारी
देवघर - जिला उपायुक्त द्वारा जानकारी दी गई कि कोविड-19 के संक्रमण की वजह से पूरे देश/राज्य/जिला में लॉक डाउन है। ऐसे में दूसरे जगहों में फंसे देवघर जिले के लोगों को वापस घर लाने हेतु एवं बाहर के वैसे लोग जो यहां फंस गए है, उन्हें वापस उनके घर भेजने हेतु जिला प्रशासन द्वारा ई-पास की सुविधा शुरू की गई है। इस सुविधा के तहत तीन श्रेणी  यथा- स्ट्रान्डेड, मेडिकल और इसेंशियल में आवेदन कर जिला प्रशासन से आवागमन की अनुमति प्राप्त की जा सकती है।
उनके द्वारा आगे बतलाया गया कि वैसे व्यक्ति जो लॉक डाउन की वजह से यहां फंसे हुए हैं अथवा बाहर जाकर दूसरे जगहों में फंसे अपने परिजनों को वापस यहां लाना चाहते हैं, वे निम्न लिंक http://bit.ly/3ci76dm पर क्लिक कर ई-पास हेतु अपना आवेदन कर सकते हैं। इसके तहत उन्हें सर्वप्रथम अपना पंजीकरण कराना होगा। तत्पश्चात ई-पास के विकल्प पर क्लिक कर मोबाइल नंबर डालना प्रविष्ट करना होगा। उसके बाद संबंधित मोबाईल नम्बर पर ओटीपी आएगा, जिसे वहां दिये गए काॅलम में प्रविष्ट करने पर आवेदन का फाॅरमेट आएगा। आवेदन को भरने के पश्चात उसके साथ आवश्यक कागजात/दस्तावेज संलग्न कर उसे वेबसाइट में अपलोड करना होगा। तत्पश्चात कुछ ही देर में संबंधित व्यक्ति के आवागमन हेतु ऑनलाइन माध्यम से ई-पास प्राप्त किया जा सकता है।
इसके अलावे उपायुक्त द्वारा आगे बतलाया गया कि लॉक डाउन के दरम्यान बाहर फसें व्यक्ति जो निजी वाहन का इंतजाम उसी राज्य में कर लेते है, वैसे लोग अनुमति वहां के जिला प्रशासन से प्राप्त कर सकते है। अगर उनके कोई परिजन देवघर से वाहन लेकर उन्हें लाना चाहते है तो वाहन की अनुमति जिला प्रशासन देवघर द्वारा दी जायेगी। इसको लेकर आप अपना ऑनलाइन आवेदन http://bit.ly/3ci76dm  पर करते हुए ई-पास प्राप्त कर सकते हैं।

■ कोविड-19 ई-पास हेतु ऑनलाइन आवेदन करने के लिए महत्त्वपूर्ण दिशा निर्देश....

1. तकनीकी कारणों से आवेदन अंग्रेजी भाषा में भरे जाएंगे।
2. आवेदन में किसी भी विशेष करेक्टर का प्रयोग वर्जित है।
3. आवेदक सर्वप्रथम पोर्टल पर अपना मोबाइल नंबर अंकित कर वन टाइम पासवर्ड (ओटीपी) प्राप्त करेंगे।
4. ओटीपी को संबंधित बॉक्स में अंकित करने पर आवेदन करने हेतु फार्म खुल जाएगा।
5. अपने फोन, कंप्यूटर के अलावे प्रज्ञा केंद्रों से आवेदन भर कर जमा किया जा सकता है।

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May 07 2020, 13:39

सूरत से 1198 प्रवासी मजदूरी को लाया गया

धनबाद। एक बार फिर सूरत से (गुजरात) 1198 प्रवासी मजदूरों को लेकर स्पेशल ट्रेन संख्या 09343 से लगभग 1198 श्रमिक सुबह 3:30 बजे धनबाद जंक्शन पहुंचे आपको बता दें कि इस ट्रेन में झारखंड के गिरिडीह, देवघर, कोडरमा, हजारीबाग, जामताड़ा, सिमडेगा, सरायकेला, पलामू, लातेहार, गढ़वा, एवं चतरा के प्रवासी मजदूर सवार थे।बता दे कि गिरिडीह के 1094 मजदूर देवघर के साथ कोडरमा के 30 हजारी बाग के 11 जामताड़ा सिमडेगा सरायकेला के 11 पलामू के 29 लातेहार के तीन गढ़वा के  चतरा के 5 श्रमिक मजदूर स्पेशल ट्रेन से धनबाद पहुंचे जहां स्टेशन पर फिजिकल डिस्टेंस को मेंटेन करते हुए ट्रेन से उतारकर स्टेशन परिसर से बाहर लाया गया। इस दौरान जिला प्रशासन की ओर से बाहर से आए मजदूरों के लिए मेडिकल जांच की सुविधा थी गुलाब फूल देकर स्वागत किया गया। तथा खाने-पीने की व्यवस्था की गई थी वही आपको बता दें कि इन तमाम मजदूरों के लिए संबंधित जिले से कुल 56 वाहन थे जो कि 11 नोडल पदाधिकारी के साथ थे हर जिला के नोडल पदाधिकारी अपने अपने मजदूर को लेकर वाहन में बैठकर अपने अपने जिले के लिए रवाना हो गए साथ ही आपको बता दें कि आज एक बार फिर गुजरात से आई मजदूरों की ट्रेन में सबसे अधिक संख्या मजदूरों की गिरिडीह की थी।