झारखंड शराब घोटाला: बाबूलाल मरांडी ने राज्यपाल को लिखा पत्र; ACB पर लगाया भ्रष्टाचारियों को बचाने का गंभीर आरोप।
राँची: झारखंड विधानसभा के नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी ने राज्य के बहुचर्चित 750 करोड़ रुपये के शराब घोटाले को लेकर माननीय राज्यपाल श्री संतोष कुमार गंगवार को एक विस्तृत पत्र लिखा है। इस पत्र के माध्यम से उन्होंने भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं और पूरे मामले की जाँच तत्काल CBI को सौंपने की अनुशंसा करने का अनुरोध किया है।
![]()
एसीबी पर साठगांठ का आरोप
बाबूलाल मरांडी ने आरोप लगाया है कि एसीबी भ्रष्टाचारियों को सजा दिलाने के बजाय उन्हें संरक्षण दे रही है। उन्होंने पत्र में उल्लेख किया कि 20 मई 2025 को गिरफ्तार किए गए मुख्य सूत्रधार और तत्कालीन उत्पाद सचिव आईएएस विनय कुमार चौबे सहित अन्य रसूखदार आरोपियों को केवल इसलिए 'डिफॉल्ट बेल' मिल गई क्योंकि एसीबी ने निर्धारित 90 दिनों के भीतर चार्जशीट दाखिल नहीं की।
![]()
17 में से 14 आरोपी जेल से बाहर
नेता प्रतिपक्ष ने डेटा साझा करते हुए बताया कि इस घोटाले में अब तक गिरफ्तार 17 आरोपियों में से 14 को समय पर आरोप-पत्र दाखिल न होने के कारण जमानत मिल चुकी है। उन्होंने इसे एक 'शर्मनाक साजिश' करार देते हुए कहा कि 8 महीने बीत जाने के बाद भी एक भी चार्जशीट दाखिल न होना एजेंसी की मिलीभगत को दर्शाता है। साथ ही, उन्होंने छत्तीसगढ़ के शराब कारोबारी नवीन केडिया के फरार होने के मामले में भी एसीबी की सुस्ती पर सवाल उठाए।
सीबीआई जांच की मांग
मरांडी ने राज्यपाल से आग्रह किया है कि वे संविधान के संरक्षक के रूप में हस्तक्षेप करें और एसीबी को तुरंत चार्जशीट दाखिल करने के लिए निर्देशित करें। उन्होंने कहा कि राज्य के राजस्व की इस सुनियोजित लूट और आरोपियों को बचाने के प्रयासों को देखते हुए इस मामले का सच केवल सीबीआई जाँच से ही सामने आ सकता है।










Mar 31 2026, 20:27
- Whatsapp
- Facebook
- Linkedin
- Google Plus
0- Whatsapp
- Facebook
- Linkedin
- Google Plus
0.1k