/home/streetbuzz1/public_html/testnewsapp/system/../storage/avatars/thumbs1/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/testnewsapp/system/../storage/avatars/thumbs4/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/testnewsapp/system/../storage/avatars/thumbs5/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/testnewsapp/system/../storage/avatars/thumbs1/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/testnewsapp/system/../storage/avatars/thumbs4/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/testnewsapp/system/../storage/avatars/thumbs5/1496467143592709.png/home/streetbuzz1/public_html/testnewsapp/system/../storage/avatars/thumbs1/1721967804934906.png/home/streetbuzz1/public_html/testnewsapp/system/../storage/avatars/thumbs4/1721967804934906.png/home/streetbuzz1/public_html/testnewsapp/system/../storage/avatars/thumbs5/1721967804934906.png/home/streetbuzz1/public_html/testnewsapp/system/../storage/avatars/thumbs1/_noavatar_user.gif/home/streetbuzz1/public_html/testnewsapp/system/../storage/avatars/thumbs4/_noavatar_user.gif/home/streetbuzz1/public_html/testnewsapp/system/../storage/avatars/thumbs5/_noavatar_user.gif/home/streetbuzz1/public_html/testnewsapp/system/../storage/avatars/thumbs1/1630055818836552.png/home/streetbuzz1/public_html/testnewsapp/system/../storage/avatars/thumbs4/1630055818836552.png/home/streetbuzz1/public_html/testnewsapp/system/../storage/avatars/thumbs5/1630055818836552.png/home/streetbuzz1/public_html/testnewsapp/system/../storage/avatars/thumbs1/1623483972336974.png/home/streetbuzz1/public_html/testnewsapp/system/../storage/avatars/thumbs4/1623483972336974.png/home/streetbuzz1/public_html/testnewsapp/system/../storage/avatars/thumbs5/1623483972336974.png/home/streetbuzz1/public_html/testnewsapp/system/../storage/avatars/thumbs1/1628604408587302.png/home/streetbuzz1/public_html/testnewsapp/system/../storage/avatars/thumbs4/1628604408587302.png/home/streetbuzz1/public_html/testnewsapp/system/../storage/avatars/thumbs5/1628604408587302.png/home/streetbuzz1/public_html/testnewsapp/system/../storage/avatars/thumbs1/1628604408587302.png/home/streetbuzz1/public_html/testnewsapp/system/../storage/avatars/thumbs4/1628604408587302.png/home/streetbuzz1/public_html/testnewsapp/system/../storage/avatars/thumbs5/1628604408587302.png/home/streetbuzz1/public_html/testnewsapp/system/../storage/avatars/thumbs1/1628604408587302.png/home/streetbuzz1/public_html/testnewsapp/system/../storage/avatars/thumbs4/1628604408587302.png/home/streetbuzz1/public_html/testnewsapp/system/../storage/avatars/thumbs5/1628604408587302.png/home/streetbuzz1/public_html/testnewsapp/system/../storage/avatars/thumbs1/1628604408587302.png/home/streetbuzz1/public_html/testnewsapp/system/../storage/avatars/thumbs4/1628604408587302.png/home/streetbuzz1/public_html/testnewsapp/system/../storage/avatars/thumbs5/1628604408587302.png StreetBuzz s:new
हेमन्त सोरेन ने हूल विद्रोह के महानायक अमर वीर शहीद सिदो-कान्हू को दी श्रद्धांजलि।

मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन एवं विधायक श्रीमती कल्पना सोरेन आज हूल दिवस के अवसर पर मोरहाबादी, रांची स्थित सिदो-कान्हू उद्यान पहुंचकर हूल विद्रोह के महानायक अमर वीर शहीद सिदो-कान्हू की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की।

मौके पर मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए कहा कि आज ऐतिहासिक दिवस है। एक ऐसा दिवस, जब शोषण के विरूद्ध जबरदस्त आवाज उठाई गई थी। देश में शोषण से निकलने के लिए किसी के पास कोई रास्ता नहीं दिख रहा था, उस समय आदिवासी समाज के वीरों ने शोषण के विरुद्ध मोर्चा खोला।

परिणाम क्या होगा इसकी चिंता किए बगैर हूल क्रांति के अमर शहीद सिदो-कान्हू, चांद-भैरव, वीरांगना फूलो-झानो ने देश के लोगों पर हो रहे शोषण के विरूद्ध बिगुल फूंका। उन्होंने कहा कि आज भी यह देखा जा रहा है कि कहीं-ना-कहीं क्रांति, संघर्ष जगह-जगह पर कमजोर वर्गों के शोषण के विरुद्ध प्रतिरोध से ही शुरू होता है। आज इन वीर सपूतों पर हम सभी को गर्व है।

हमारे अमर वीर सपूत देश और समाज के लिए सदैव प्रेरणास्रोत बने रहेंगे। उन्होंने कहा कि इन वीर सपूतों की बदौलत ही झारखंड को वीरों की धरती कही जाता है। राज्य में कई ऐसे अवसर हैं, जिस दिन हम सभी लोग महापुरुषों को याद करते हैं और उनके आदर्शों पर चलने की प्रतिज्ञा लेते हैं। उन्होंने कहा कि क्रांति की आग बुझती नहीं है। बुझाई भी नहीं जा सकती।

क्रांति की चिंगारी सदैव जलती है। मुख्यमंत्री ने कहा कि कई जगह आज भी ऐसी क्रांति के स्मारक पर निरंतर दीप जलता रहता है। उन्होंने दिल्ली के राजघाट एवं इंडिया गेट में भी दीप जलते रहने का उदाहरण दिया। उन्होंने कहा कि वीरों की इस पावन भूमि का इतिहास स्वर्ण अक्षरों में अंकित रहेगा।

रांची: CM हेमन्त सोरेन ने 1,042 शिक्षकों को दी नियुक्ति, CPD प्रशिक्षण का किया ऑनलाइन शुभारंभ

आने वाले समय में राज्य के बौद्धिक क्षेत्र का आयाम कैसा हो और हमारे आने वाली पीढ़ी अपने पैरों पर कैसे खड़ी हो, यह अब आप सभी नव नियुक्त सहायक शिक्षकों को तय करना है। आज से आप राज्य सरकार के अभिन्न अंग के रूप में कार्य करेंगे। शिक्षा के क्षेत्र में झारखंड किस प्रकार अग्रणी राज्यों की श्रेणी में आकर खड़ा हो, यह आपकी जिम्मेवारी है।

राज्य सरकार ने आप नव नियुक्त शिक्षकों को केवल नौकरी नही, बल्कि राज्य की भावी पीढ़ी का भविष्य गढ़ने की एक महत्त्वपूर्ण जिम्मेवारी सौंपी है। आज का यह दिन केवल नियुक्ति पत्र प्राप्त करने वाले अभ्यर्थियों के लिए ही नहीं, बल्कि उनके परिवारजनों के लिए भी गर्व और हर्ष का अवसर है।

उक्त बातें मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने कही। वे आज टाना भगत इंडोर स्टेडियम, खेलगांव, रांची में आयोजित 1,042 नव चयनित इंटर एवं स्नातक प्रशिक्षित सहायक आचार्यों का नियुक्ति-पत्र वितरण समारोह को संबोधित कर रहे थे।

मुख्यमंत्री ने नव नियुक्त सहायक आचार्यों को अपनी ओर से उनके उज्जवल भविष्य की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि शिक्षक समाज और राष्ट्र निर्माण की सबसे महत्वपूर्ण कड़ी हैं। शिक्षकों के ज्ञान, व्यवहार और कार्यशैली से राज्य के बच्चों का भविष्य तय होगा।

मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने कहा कि सरकारी संस्थानों की कमियों-खामियों पर अक्सर उंगलियां उठती हैं, जिनमें से कुछ सही होती हैं तो कई गलत। झारखंड सरकार की जिम्मेवारी राज्य के सवा तीन करोड़ लोगों के प्रति है—जिसमें अधिकारी, कर्मचारी, बुजुर्ग, किसान, महिलाएं, नौजवान और छात्र शामिल हैं। यहां तक कि हवा, पानी सहित मूलभूत बुनियादी सुविधाओं के विकास की जिम्मेवारी भी जनता द्वारा चुनी गई सरकार की है, लेकिन, एक बेहतर समाज के निर्माण के लिए सिर्फ सरकार नहीं, बल्कि नागरिकों की भी अपनी अलग जिम्मेवारी है। यदि सभी लोग एक जिम्मेवार नागरिक के रूप में व्यवहार करें और अपना 'सिविक सेंस' मजबूत करें, तो व्यवस्था में बहुत बड़ा सकारात्मक बदलाव आ सकता है।

सरकार की आंख, कान और हाथ बनकर कार्य करें

मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने कहा कि आज से आप सभी नव नियुक्त सहायक आचार्य सरकार की आंख, कान और हाथ बनकर कार्य करेंगे। झारखंड की भौगोलिक और सामाजिक परिस्थितियां चुनौतीपूर्ण रही है, इसलिए दुर्गम ग्रामीण क्षेत्रों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पहुंचाने की जिम्मेवारी आप सभी के कंधों पर रहेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि झारखंड के विद्यालयों से बच्चों के साथ कोई भी अप्रिय अथवा दुर्व्यवहार की खबर सामने नहीं आनी चाहिए। अगर बच्चों के साथ किसी भी प्रकार की बर्बरता या अमानवीय व्यवहार होती है, तो सरकार जितनी संवेदनशीलता से शिक्षकों को आगे बढ़ाने की सोच रखती है, कानून व्यवस्था को बनाए रखने के लिए उतने ही कड़े कदम उठाने से भी पीछे नहीं हटेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि शिक्षक अपनी जिम्मेवारी पूरी ईमानदारी और तत्परता के साथ निभाएंगे, तो समाज और राज्य दोनों को इसका लाभ मिलेगा। मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया के माध्यम से आने वाली घटनाओं का जिक्र करते हुए कहा कि सरकार ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई करने से पीछे नहीं हटेगी। मुख्यमंत्री ने शिक्षकों से बच्चों के प्रति संवेदनशील और कुशल व्यवहार अपनाने की अपील की। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में किसी व्यक्ति की जाति या धर्म नहीं, बल्कि उसकी क्षमता, दक्षता, कार्य और विचार को महत्व देती है, इसलिए शिक्षकों को समाज में सकारात्मक माहौल बनाते हुए सभी को साथ लेकर आगे बढ़ना चाहिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि जब हम सभी लोग अपने-अपने क्षेत्र में एकजुट होकर काम करेंगे, तो किसी भी चुनौती का सामना डटकर किया जा सकता है।

लाखों में से चयनित युवा हैं बौद्धिक संपदा, दुर्गम क्षेत्रों में संभालें शिक्षा का मोर्चा

मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने कहा परीक्षा में शामिल लाखों आवेदकों में से चुने गए आप सभी लोग बौद्धिक रूप से बेहद संपन्न हैं। यह नियुक्तियां व्यवस्था को मजबूती देने की दिशा में एक बड़ा कीर्तिमान है। सरकार के पिछले कार्यकाल में जहाँ 55 हजार से अधिक नियुक्तियां दी गई थीं, वहीं वर्तमान कार्यकाल के दूसरे महीने से ही स्वास्थ्य विभाग समेत विभिन्न विभागों में बड़े पैमाने पर नियुक्तियां निरंतर जारी है। मुख्यमंत्री ने कहा कि झारखंड संभावनाओं और प्रतिभाओं वाला राज्य है। राज्य ने हमेशा देश-दुनिया को प्रचुर मात्रा में संसाधन दिए, लेकिन उसके बदले इस राज्य को बहुत कम मिला है, यही कारण है कि यहां गुणवत्तापूर्ण शिक्षा की शुरुआत काफी विलंब से हुई, आज इसी चुनौती को भेदने की जिम्मेवारी आप सभी नवनियुक्त शिक्षकों को सौंपी जा रही है, जो दुर्गम और सुदूर क्षेत्रों में जाकर अपने आचरण और व्यवहार से समाज में बदलाव लाएंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि लम्बे समय तक इस राज्य को केवल खनिज संपदा के रूप में देखा गया, लेकिन अब राज्य सरकार शिक्षा, रोजगार और युवाओं के भविष्य को दृष्टिगत रखते हुए योजनाओं को मूर्त रूप दे रही है।

मुख्यमंत्री उत्कृष्ट विद्यालय ने बदली धारणा

मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने कहा कि हमारी सरकार ने निजी विद्यालयों के समानांतर राज्य में 'मुख्यमंत्री उत्कृष्ट विद्यालय' (Schools of Excellence) मॉडल को खड़ा किया है। वर्ष 2021 में शुरू हुए इस प्रयास का असर आज यह है कि शहरी व अन्य क्षेत्रों में जहाँ 9 से 10 हजार सीटें उपलब्ध हैं, वहीं दाखिले के लिए 40 हजार से अधिक आवेदन आ रहे हैं, जो सरकारी शिक्षा पर बढ़ते भरोसे का प्रतीक है। मुख्यमंत्री ने कहा कि आज के नियुक्ति पत्र वितरण में 200 से अधिक की संख्या में विज्ञान संकाय के शिक्षकाें की बहाली हुई है। अक्सर हमारे सरकारी विद्यालयों में साइंस शिक्षकों की कमी होने की शिकायत मिलती थी। सरकार ने अब साइंस विषयों के शिक्षकों की नियुक्ति की है। अब हमारे बच्चे विज्ञान की पढ़ाई कर इंजीनियर, डॉक्टर बनेंगे। प्रत्येक क्षेत्र में आगे बढ़ेंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार राज्य के सरकारी विद्यालयों की शैक्षणिक गुणवत्ता सुधारने के लिए निरंतर प्रयासरत है।

नव नियुक्त सहायक आचार्यों ने अपने अनुभव साझा किए..

नव नियुक्त सहायक आचार्य के पद पर चयनित रांची की श्रीमती सीता कुमारी ने अपनी अनुभव को साझा करते हुए कहा कि माननीय मुख्यमंत्री जी के करकमलों से उन्हें नियुक्ति पत्र मिल रहा है। उन्होंने मुख्यमंत्री के प्रति प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि 22 वर्षों के लंबे संघर्ष के बाद उन्हें नियुक्ति प्रक्रिया में शामिल होने का मौका मिला है। उन्होंने कहा कि माननीय मुख्यमंत्री जी के नेतृत्व में झारखंड शिक्षा के क्षेत्र में निरंतर नई ऊंचाइयों की ओर बढ़ रहा है। सरकार द्वारा अनेको कार्यक्रम चलाए गए हैं, जिसमें मुख्यमंत्री उत्कृष्ट विद्यालय में बच्चों को निजी विद्यालय की तर्ज पर अंग्रेजी माध्यम से शिक्षा दी जा रही है, अब बच्चे काफी चीजें कंप्लीट कर पा रहे हैं। इसके साथ ही मुख्यमंत्री छात्रवृत्ति योजना, सावित्रीबाई फुले योजना के द्वारा भी बच्चे-बच्चियां बहुत लाभान्वित हो रहे हैं और अपने सपनों को उड़ान दे रहे हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री को विश्वास दिलाया कि सहायक आचार्य के पद पर कार्य करते हुए पूरी निष्ठा और कर्तव्य के साथ ईमानदारी पूर्वक कार्य करेंगी तथा बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देने का पूरा प्रयास करेंगी।

नव नियुक्त सहायक आचार्य श्री मनोज कुमार वैद्य ने मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि माननीय मुख्यमंत्री जी के द्वारा 2026 को नियुक्तियों का वर्ष घोषित किया गया था। उसका लाभ मुझे भी मिला है और यह सफलता कठिन परिश्रम मेहनत और माननीय मुख्यमंत्री जी के आशीर्वाद से संभव हुआ है। इसके लिए मैं तहे दिल से माननीय मुख्यमंत्री जी को धन्यवाद देना चाहता हूं। मैं माननीय मुख्यमंत्री जी को विश्वास दिलाता हूं कि मैं अपने दायित्वों का निर्वहन पूरी ईमानदारी के साथ करूंगा।

नव नियुक्त सहायक आचार्य श्री प्रदीप कुमार यादव ने अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि माननीय मुख्यमंत्री जी को वे सिर्फ टीवी स्क्रीन या न्यूज़पेपर की हेडलाइंस में ही देखते रहे थे। आज के नियुक्ति पत्र वितरण कार्यक्रम में सीधे मुख्यमंत्री जी के समक्ष खड़ा होकर उनसे मिलने और नियुक्ति पत्र प्राप्त करने का मौका मिल रहा है, जो गर्व और उत्साह का पल है। उन्होंने एक संस्मरण सुनाते हुए कहा कि जिस दिन इस नियुक्ति का रिजल्ट आया उसके बाद न्यूज़ पेपर में मेरी मां ने आपकी तस्वीर देखी, तो मेरी मां ने भावुक होकर आपकी तस्वीर को तीन बार प्रणाम किया। मेरी मां आज भी उस न्यूज़पेपर की प्रति को संजो कर रखी है। माननीय मुख्यमंत्री जी मेरी मां इस बात के लिए बहुत खुश है कि कहीं एक रुपया दिए बिना ही इतने पारदर्शी और निष्पक्ष तरीके से भर्ती हुई है। मेरे पिताजी इस दुनिया में नहीं है। मेरी मां ने मुझसे यही कहा है कि बेटा जिस प्रकार माननीय मुख्यमंत्री जी ने न्याय किया है, उसी प्रकार पूरी ईमानदारी और पूरी निष्ठा के साथ अपने कर्तव्यों का निर्वहन करना ।बहुत-बहुत धन्यवाद आदरणीय मुख्यमंत्री जी।

नियुक्ति पत्र वितरण समारोह में राज्य के वित्त मंत्री श्री राधाकृष्ण किशोर, सांसद राज्यसभा श्रीमती महुआ माजी, मुख्य सचिव श्री अविनाश कुमार, विभागीय सचिव श्री उमा शंकर सिंह सहित अन्य वरीय पदाधिकारीगण एवं नव नियुक्त सहायक आचार्य तथा उनके परिजन बड़ी संख्या में उपस्थित थे।

देवघर-30 जून 2026 हुल दिवस पर अमर शहीद सिद्धू कान्हु की प्रतिमा पर इंटक, महिला एवं देवघर जिला कांग्रेस अनुसूचित जाति विभाग द्वारा माल्यार्पण।

देवघर: हुल दिवस के अवसर पर देवघर झारखंड प्रदेश इंटक के प्रदेश सचिव अजय कुमार, देवघर जिला इंटक के जिला अध्यक्ष अनंत मिश्रा, देवघर जिला महिला कांग्रेस की अध्यक्ष प्रमिला देवी, देवघर जिला कांग्रेस अनुसूचित जाति विभाग के अध्यक्ष नित्यानंद सेवक, कांग्रेस नेता तुलसी पोद्दार, विष्णु हेंब्रम, शिवनाथ मुर्मू, अनिल पंडित, मनोरंजन सिंह, महिला कांग्रेस की संगीता शर्मा, देवघर जिला इंटक के सचिव अभिषेक सिंह, कोषाध्यक्ष आशीष कुमार ने देवघर प्रखंड के बदलाडीह में सिद्धू कान्हू की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। झारखंड प्रदेश इंटक के प्रदेश सचिव कांग्रेस अजय कुमार ने हुल दिवस पर अमर शहीद सिद्धू कान्हु को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि हुल दिवस झारखंड के इतिहास में एक अमर क्रांति व अंग्रेजों के खिलाफ एक बड़ी लड़ाई की याद दिलाता है। संथाल विद्रोह के प्रणेता सिद्धू- कान्हू ,चांद -भैरव जैसे महान सपूतों ने जल, जंगल, जमीन एवं महाजनों के शोषण व अत्याचार के खिलाफ अपनी कुर्बानी दी। इन दोनों महान सपूतों के अलावा और कई हजार लोगों ने जनजातीय परंपरा व मातृभूमि की रक्षा के लिए अपनी शहादत दी थी। जरूरत है इन सबों की शहादत को इतिहास में समुचित स्थान दिलाने की। देवघर जिला इंटक के जिला अध्यक्ष अनंत मिश्रा ने कहा कि यह कहने में कोई अतिशयोक्ति नहीं की संथाल विद्रोह के नायक सिद्दू- कान्हू, चांद- भैरव चार भाइयों ने हुल क्रांति की शुरुआत की थी। वे भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के ऐसे योद्धा थे जिन्होंने अंग्रेजों से जमकर लोहा लिया और अंग्रेजी सत्ता की चूल हिला दी थी। अभिषेक सिंह सचिव देवघर जिला इंटक
भाजपा नेता सहित छ: लोगों के खिलाफ जानलेवा हमले का मुकदमा दर्ज
*सरकारी जमीन पर बने मकान को लेकर हुई थी शिकायत

गोंडा।जिले के वजीरगंज थाना क्षेत्र में सरकारी जमीन पर अवैध कब्जे की शिकायत करने के बाद एक व्यक्ति के भाई पर जानलेवा हमला कर दिया गया है।पीड़ित पक्ष की तहरीर पर ग्राम प्रधान प्रतिनिधि एवं भाजपा नेता समेत छ: लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।घायल का जिला मुख्यालय स्थित मेडिकल कालेज में इलाज चल रहा है।आरोप है कि शिकायत से नाराज ग्राम प्रधान प्रतिनिधि व भाजपा नेता स्वामी नाथ सिंह और उनके साथियों ने शिकायतकर्ता के भाई पर लाठी डंडों से हमला कर दिया।घटना सोमवार दोपहर लगभग 12.30 बजे की है।प्राप्त जानकारी के अनुसार पीड़ित विवेक कुमार शर्मा खेत से अपने घर लौट रहे थे कि पहले से ही रास्ते में घात लगाए बैठे आरोपियों ने उन्हें रोक लिया और गाली गलौज करते हुए लाठी डंडों से हमला कर दिया।मारपीट में विवेक कुमार शर्मा गंभीर रूप से घायल हो कर बेहोश हो गए।घटना के बाद परिजन विवेक कुमार शर्मा को इलाज के लिए जिला मुख्यालय स्थित मेडिकल कालेज ले गए,जहाँ उनका इलाज चल रहा है।चिकित्सकों के अनुसार विवेक कुमार शर्मा की हालत गंभीर बनी हुई है।पीड़ित के भाई मुकेश कुमार शर्मा की तहरीर पर वजीरगंज पुलिस ने सोमवार शाम लगभग 5.30 बजे ग्राम प्रधान प्रतिनिधि एवं भाजपा नेता स्वामी नाथ सिंह,हर्षित सिंह, निरंजन सिंह,शैलेश सिंह,विजय प्रताप सिंह और सौरभ सिंह के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है।मुकदमे में जानलेवा हमला और गाली गलौज सहित अन्य धाराएं भी शामिल हैं।प्रकरण की विवेचना उपनिरीक्षक अंकित उपाध्याय को सौंपी गई है।महेश कुमार शर्मा ने बताया कि उन्होंने कुछ समय पहले जिलाधिकारी प्रियंका निरंजन से शिकायत किया था कि गांव में गाटा संख्या 1507 स्थित सरकारी खलिहान की जमीन पर स्वामी नाथ सिंह ने अवैध कब्जा कर मकान बना लिया है।उक्त शिकायत पर जिलाधिकारी ने उप जिलाधिकारी न्यायिक तरबगंज को जांच कर कार्रवाई के निर्देश दिए थे।महेश शर्मा का आरोप है कि वह और गिरीश दत्त त्रिपाठी लगातार सरकारी जमीन को कब्जामुक्त कराने की मांग कर रहे थे।इसी रंजिश में आरोपियों ने उनके भाई पर हमला कर दिया।उन्होंने दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और सरकारी जमीन से अवैध कब्जा हटाने की मांग की है।वजीरगंज थानाध्यक्ष विपुल पांडेय ने बताया कि तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है तथा मामले की विस्तृत जांच की जा रही है।उन्होंने कहा कि जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
जनरल धीरज सेठ बने भारत के नए आर्मी चीफ, जनरल उपेंद्र द्विवेदी पद से रिटायर

#newarmychieflieutenantgeneraldheerajsethtakescharge

जनरल धीरज कुमार सेठ ने मंगलवार से भारत के नए सेना प्रमुख की जिम्मेदारी संभाली हैं। उन्हें जनरल उपेंद्र द्विवेदी की जगह आर्मी चीफ की जिम्मेदारी दी गई है। जनरल द्विवेदी सेना में चार दशकों से ज्यादा की सेवा देने के बाद रिटायर हुए हैं।

जनरल उपेंद्र द्विवेदी हुए रिटायर

जनरल धीरज सेठ के सेनाध्यक्ष बनने के साथ ही निवर्तमान सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी, पीवीएसएम, एवीएसएम आज ही सेवा से सेवानिवृत्त हो गए हैं। इस अवसर पर मंगलवार को उन्हें नई दिल्ली स्थित साउथ ब्लॉक लॉन्स में सेना द्वारा औपचारिक गार्ड ऑफ ऑनर प्रदान किया गया। इससे पहले सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने नेशनल वॉर मेमोरियल पर पुष्पांजलि अर्पित की।

चार दशकों के शानदार सैन्य करियर

जनरल धीरज सेठ राष्ट्रीय रक्षा अकादमी, खड़कवासला के पूर्व छात्र हैं। दिसंबर 1986 में उन्होंने भारतीय सेना की बख्तरबंद कोर में कमीशन प्राप्त किया था। अपने चार दशकों के शानदार सैन्य करियर के दौरान, उन्होंने ऑपरेशनल, रणनीतिक, क्षमता विकास और संस्थागत क्षेत्रों में व्यापक अनुभव प्राप्त किया है। उनके इस अनुभव ने भारतीय सेना की युद्ध क्षमता और दीर्घकालिक परिवर्तन में महत्वपूर्ण योगदान दिया है।

कई अहम सैन्य अभियानों की संभाल चुके हैं जिम्मेदारी

जनरल सेठ कई महत्वपूर्ण सैन्य अभियानों में विभिन्न स्तर पर कमान संभाल चुके हैं। उनके कमांड असाइनमेंट में रेगिस्तानी क्षेत्र में एक बख्तरबंद रेजिमेंट, पश्चिमी मोर्चे पर एक बख्तरबंद ब्रिगेड और जम्मू-कश्मीर में एक आतंकवाद-विरोधी बल शामिल हैं।

उत्तम युद्ध सेवा मेडल से सम्मानित

जनरल धीरज सेठ ने जम्मू-कश्मीर में उग्रवाद-विरोधी बल आर्मर्ड रेजिमेंट 'स्किनर्स हॉर्स' की अगुवाई की। वहीं पश्चिमी मोर्चे पर उन्होंने एक स्ट्राइक कोर (रेगिस्तानी सेक्टर) के अलावा वे साउथ वेस्टर्न कमांड और सदर्न कमांड की जिम्मेदारी संभाल चुके हैं। इस तरह से वे भारतीय सेना के ऐसे दुर्लभ अफसर हैं, जिन्होंने इन दोनों ऑपरेशनल कमांड की जिम्मेदारी संभाली है। जनरल सेठ को जब लेफ्टिनेंट जनरल के पद पर प्रमोशन मिला तो उन्होंने 'सुदर्शन चक्र कोर' की भी जिम्मेदारी संभाली। इसके बाद वे दिल्ली एरिया के जनरल ऑफिसर कमांडिंग (GOC) बने, जहां से उन्होंने कई राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्री मिलिट्री ऑपरेशन की जवाबदेही संभाली। सोमवार (29 जून, 2026) को ही राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने लेफ्टिनेंट जनरल धीरज सेठ के तौर पर उन्हें उत्तम युद्ध सेवा मेडल दिया है। उन्होंने सदर्न कमांड के आर्मर्ड कोर से आर्मी चीफ का पद संभाला है।

सेना बैकग्राउंड वाले परिवार से आते हैं सेठ

आर्मी चीफ सेठ सेना के बैकग्राउंड वाले परिवार से आते हैं। उनके पिता लेफ्टिनेंट जनरल कृष्ण मोहन सेठ भारतीय सेना में एडजुटेंट जनरल के पद से 1997 में रिटायर हुए थे। जनरल कृष्ण मोहन सेठ ने सेना की दो बड़ी और अहम टुकड़ियों XXI स्ट्राइक कोर और III कोर की कमान भी संभाली थी।

अधिकतम खुदरा मूल्य मुख्य मुद्दा,केंद्र कानून बनाएं : जयंत कथेरिया

संभल-वस्तुओं पर लिखा मूल्य धोखा है उत्पादन मूल्य वस्तुओं पर प्रिंट हो जिससे लाभ का मार्जिन स्पष्ट हो सके उपभोक्ता ठगा ना जा सके संभल पिछड़ा , बिना रेलवे लाइन विकास संभव नहीं अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत के राष्ट्रीय सचिव जयत कथेरिया ने संभल में रेलवे लाइन विस्तार के लिए रेलमंत्री तक मामले को उठाने का वायदा किया ।

संभल के आलम सराय स्थित डी के रिसॉर्ट में आयोजित पश्चिमी उत्तर प्रदेश क्षेत्र अभ्यास वर्ग में अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत के राष्ट्रीय सचिव जयंत कथेरिया ने कहा कि वर्तमान में अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत का मुख्य  मुद्दा वस्तुओं पर प्रिंट एमआरपी है वस्तुओं पर उत्पादन मूल्य भी वस्तुओं पर प्रिंट होना चाहिए 12 जून को ग्राहक पंचायत द्वारा जंतर मंतर पर किए गए प्रदर्शन को मील का पत्थर बताते हुए कहा कि इस मुद्दे पर ग्राहक पंचायत के पदाधिकारियों की केंद्र सरकार से बात चल रही है ।

केंद्र ने एमआरपी पर ग्राहक पंचायत के सकारात्मक रवैया नहीं अपनाया तो अगला प्रदर्शन आर्थिक राजधानी मुंबई में होगा उन्होंने कहा संभल में रेलवे लाइन के विस्तार के लिए जिला इकाई के साथ रेल मंत्री से मिला जाएगा  मेरठ प्रांत के अध्यक्ष विपिन गुप्ता ने प्रवास के प्रकार,उसके महत्व से अवगत कराया तथा प्रवास की योजना कैसे बनानी चाहिए उन्होंने डिजिटल प्रवास के महत्व को बताया l ब्रज प्रांत के अध्यक्ष विष्णु कुमार अग्रवाल ने कहा कि संगठन का मुख्य उद्देश्य उपभोक्ता को शोषण के विरुद्ध आवाज उठाने हेतु प्रेरित करना है । पूर्व संगठन मंत्री भूपेश त्यागी ने संगठन में
कार्यकर्ता,कोष,कार्यालय, आदि के महत्व को बताया ।

इस अवसर पर उत्तराखंड प्रांत अध्यक्ष विनोद नौटियाल, क्षेत्रीय संगठन मंत्री लाखन सिंह,प्रांत संगठन मंत्री नरेंद्र शर्मा,विधि आयाम प्रमुख विनीत भटनागर, प्रांत सचिव ब्रज इंद्रभूषण कुलश्रेष्ठ, प्रांत सचिव पीतांबर शर्मा,नवीन त्यागी, जिलाध्यक्ष देवेंद्र वार्ष्णेय एडवोकेट, महावीर प्रसाद,सुधीर गर्ग,अभिषेक अग्रवाल,सोनू कुमार गुप्ता एड. महावीर प्रसाद, पारस वार्ष्णेय एड.बृजेश यादव एड.,चिराग गुप्ता, त्रिभुवन सर्राफ, जगत आर्य आदि भी उपस्थित रहे।
ट्रैक्टर से कुचलकर युवक की मौत
अमृतपुर- कृषि कार्य हेतु यह शब्द ट्रैक्टर के ऊपर लिखे होते हैं सभी ट्रैक्टर मालिक इनका उपयोग अब केवल कृषि कार्य में ही करेंगे। परंतु अब इन ट्रैक्टरों का उपयोग व्यापारिक रूप से भी किया जा रहा है। जिससे आए दिन दुर्घटनाएं होती हैं और लोगों की अनायास मौत हो जाती है। बीते दिवस भी एक शामियाना लदा ट्रैक्टर पलटने से एक व्यक्ति की मौत हो गई थी और आज फिर ईट भट्टे पर काम करने वाले मजदूर की मौत ट्रैक्टर पलटने से उसके नीचे दबने से हो गई। जानकारी के अनुसार राजेपुर अमृतपुर मार्ग पर नगला हूषा के पास ईट भट्टा है। इसी भट्टे पर फोतेपुर कायमगंज फर्रुखाबाद निवासी 20 वर्षीय आकाश पुत्र गिरीश चंद्र ईट ढुलाई का काम करता था। देर रात वह ट्रैक्टर पर ईंटें लादकर क्षेत्र के ग्राम खुशहाली नगला गया था। वहां ट्रैक्टर से ईटे उतारने के बाद जब वह वापस आ रहा था तो अचानक गांव के बाहर ट्रैक्टर पलट गया और ट्रैक्टर ट्राली के नीचे दबकर उसकी मौत हो गई। थाना पुलिस को सूचना दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने युवक को अस्पताल भिजवाया। जहां जांच के उपरांत उसे मृत घोषित कर दिया गया। उप निरीक्षक प्रताप सिंह ने मृतक व्यक्ति का पंचनामा भर कार्रवाई शुरू कर दी। जब उसके परिजनों को सूचना मिली तो उसका बड़ा भाई आलोक मां रीता देवी बहन नित्या सोनम और अन्य परिजन मौके पर पहुंच गए। इस भट्टे पर यह युवक बीते एक वर्ष से कार्य कर रहा था। भट्ठा मालिक रजनीश दीक्षित मृतक व्यक्ति के परिजनों को ढाढस बंधाने मौके पर नहीं पहुंच पाए। परिजनों में युवा बेटे की मौत को लेकर गहरा दुख था और सभी रो रहे थे।
किसानों के साथ अनदेखी की गई तो किसान यूनियन खोलेगा मोर्चा
अमृतपुर-फर्रुखाबाद l जटपुरा-करनपुरदत्त संपर्क मार्ग निर्माण को लेकर ग्रामीणों और लोक निर्माण विभाग के बीच चल रहे विवाद के बीच सोमवार को भारतीय किसान यूनियन टिकैत गुट ने मोर्चा संभाल लिया।यूनियन के जिलाध्यक्ष अजय कटियार ने ग्रामीणों के साथ बैठक करने के बाद अमृतपुर तहसील पहुंचकर तहसीलदार शशांक सिंह से वार्ता की और किसानों के हितों की रक्षा की मांग उठाई। तहसीलदार से हुई वार्ता के बाद मीडिया से बातचीत में अजय कटियार ने कहा कि किसान विकास कार्यों के विरोधी नहीं हैं। सड़क का निर्माण होना चाहिए, लेकिन किसानों के अधिकारों और उनकी जमीन की अनदेखी किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि राजस्व अभिलेखों में जितनी चौड़ाई और जितना रकबा चकमार्ग के लिए दर्ज है, विभाग केवल उसी सीमा तक निर्माण करे।
उन्होंने स्पष्ट किया कि किसानों के खेतों से न तो मिट्टी ली जाएगी और न ही उनकी खड़ी फसल को नुकसान पहुंचाया जाएगा। यदि कोई किसान अपनी निजी भूमि सड़क निर्माण के लिए देना नहीं चाहता है तो उसके साथ किसी प्रकार की जबरदस्ती नहीं की जाएगी।अजय कटियार ने बताया कि वार्ता में इस बात पर सहमति बनी है कि विभाग केवल राजस्व रिकॉर्ड में दर्ज चकमार्ग की सीमा के भीतर ही कार्य करेगा। इसके अतिरिक्त किसानों की भूमि या खेतों से मिट्टी नहीं ली जाएगी और फसल भी नहीं उजाड़ी जाएगी।उन्होंने चेतावनी दी कि यदि प्रशासन और पीडब्ल्यूडी विभाग इस सहमति का पालन नहीं करते हैं तो भारतीय किसान यूनियन आंदोलन करेगी। सबसे पहले अमृतपुर के उपजिलाधिकारी और तहसीलदार का घेराव किया जाएगा। इसके बाद आवश्यकता पड़ने पर फर्रुखाबाद लोक निर्माण विभाग कार्यालय का भी घेराव किया जाएगा।
जिलाध्यक्ष ने बताया कि किसानों के हितों की निगरानी के लिए पांच सदस्यीय समिति गठित की जाएगी। समिति के सदस्य लेखपाल और कानूनगो के साथ मौके पर जाकर राजस्व अभिलेखों के अनुसार भूमि की जांच करेंगे। जांच पूरी होने के बाद ही सड़क निर्माण कार्य शुरू करने की अनुमति दी जाएगी। तहसीलदार ने अपने मातहत कर्मचारियों को निर्देश दिए कि वह किसानों के हितों को सर्वोपरि रखें और किसी भी कीमत से उनके खेतों से मिट्टी ना उठाई जाए और न हीं उनकी फसल को हानि पहुंचाई जाए। कार्य के दौरान मानकों का विशेष ध्यान रखा जाए लापरवाही किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
शराब बंदी को लेकर राष्ट्रीय मोर्चा ने शुरु की पहल

फर्रुखाबाद।
राष्ट्रीय शराबबंदी मोर्चा की मीटिंग अरविंद सक्सेना के आवास पर संपन्न हुई l इस मीटिंग में चाचा सुल्तान सिंह  सुलक्षणा सिंह महिला संगठन की पदाधिकारी संजू श्रद्धा पांडे कमलेश पांडे रंजन बाथ एम की श्रादेवी सूरजमुखी बहुत सारी बहने उपस्थित हुई और हमारे चाचा सुल्तान सिंह के साथ में भी काफी बुजुर्ग और सक्रिय सदस्य काफी लोगों ने शराब बंद के भाषण दिए और कहा कि शराब देश से बिल्कुल खत्म होनी चाहिए क्योंकि शराब की समस्याएं बहाने झेल रही हैं पति पीके आता है हर एक घर में पत्नी परेशान हैं और यह मीटिंग हर नुक्कड़ पर हर गली में हर मोहल्ले में जारी रहेगी सब लोगों ने संकल्प लिया कि हम लोग ऐसे ही कार्य करते रहेंगे जब तक यह शराब बंद नहीं होगी जय भारत माता जय शराबबंदी मोर्चा जय चाचा सुल्तान सिंह मौजूद रहे।
लोहिया अस्पताल में डीपीआरओ ने कुपोषित बच्चों को किए फल वितरित

फर्रुखाबाद डॉक्टर राम मनोहर लोहिया जिला अस्पताल में आज सोमवार को डीपीआरओ द्वारा एनआरसी में कुपोषित बच्चों को फल वितरण किये। इस दौरान पत्रकारों से बात करते हुए डीपीआरओ ने बताया कि एनआरसी में लगभग 10 बैड है फिर भी किसी तरह डॉक्टर ने व्यवस्था करके 14  बच्चों की देखभाल की रही है । उन्होंने कहा कि सभी बच्चे सही और स्वस्थ्य हैं उन्होंने बताया की डॉ राम मनोहर लोहिया का निरीक्षण किया और एनआरसी में निरीक्षण के दौरान कुछ  खामियां मिली हैं वह जल्द ही सही कराई जाएगी और सभी कुपोषित बच्चों की देखभाल भी सही हो रही है ।
हेमन्त सोरेन ने हूल विद्रोह के महानायक अमर वीर शहीद सिदो-कान्हू को दी श्रद्धांजलि।

मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन एवं विधायक श्रीमती कल्पना सोरेन आज हूल दिवस के अवसर पर मोरहाबादी, रांची स्थित सिदो-कान्हू उद्यान पहुंचकर हूल विद्रोह के महानायक अमर वीर शहीद सिदो-कान्हू की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें भावपूर्ण श्रद्धांजलि अर्पित की।

मौके पर मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए कहा कि आज ऐतिहासिक दिवस है। एक ऐसा दिवस, जब शोषण के विरूद्ध जबरदस्त आवाज उठाई गई थी। देश में शोषण से निकलने के लिए किसी के पास कोई रास्ता नहीं दिख रहा था, उस समय आदिवासी समाज के वीरों ने शोषण के विरुद्ध मोर्चा खोला।

परिणाम क्या होगा इसकी चिंता किए बगैर हूल क्रांति के अमर शहीद सिदो-कान्हू, चांद-भैरव, वीरांगना फूलो-झानो ने देश के लोगों पर हो रहे शोषण के विरूद्ध बिगुल फूंका। उन्होंने कहा कि आज भी यह देखा जा रहा है कि कहीं-ना-कहीं क्रांति, संघर्ष जगह-जगह पर कमजोर वर्गों के शोषण के विरुद्ध प्रतिरोध से ही शुरू होता है। आज इन वीर सपूतों पर हम सभी को गर्व है।

हमारे अमर वीर सपूत देश और समाज के लिए सदैव प्रेरणास्रोत बने रहेंगे। उन्होंने कहा कि इन वीर सपूतों की बदौलत ही झारखंड को वीरों की धरती कही जाता है। राज्य में कई ऐसे अवसर हैं, जिस दिन हम सभी लोग महापुरुषों को याद करते हैं और उनके आदर्शों पर चलने की प्रतिज्ञा लेते हैं। उन्होंने कहा कि क्रांति की आग बुझती नहीं है। बुझाई भी नहीं जा सकती।

क्रांति की चिंगारी सदैव जलती है। मुख्यमंत्री ने कहा कि कई जगह आज भी ऐसी क्रांति के स्मारक पर निरंतर दीप जलता रहता है। उन्होंने दिल्ली के राजघाट एवं इंडिया गेट में भी दीप जलते रहने का उदाहरण दिया। उन्होंने कहा कि वीरों की इस पावन भूमि का इतिहास स्वर्ण अक्षरों में अंकित रहेगा।

रांची: CM हेमन्त सोरेन ने 1,042 शिक्षकों को दी नियुक्ति, CPD प्रशिक्षण का किया ऑनलाइन शुभारंभ

आने वाले समय में राज्य के बौद्धिक क्षेत्र का आयाम कैसा हो और हमारे आने वाली पीढ़ी अपने पैरों पर कैसे खड़ी हो, यह अब आप सभी नव नियुक्त सहायक शिक्षकों को तय करना है। आज से आप राज्य सरकार के अभिन्न अंग के रूप में कार्य करेंगे। शिक्षा के क्षेत्र में झारखंड किस प्रकार अग्रणी राज्यों की श्रेणी में आकर खड़ा हो, यह आपकी जिम्मेवारी है।

राज्य सरकार ने आप नव नियुक्त शिक्षकों को केवल नौकरी नही, बल्कि राज्य की भावी पीढ़ी का भविष्य गढ़ने की एक महत्त्वपूर्ण जिम्मेवारी सौंपी है। आज का यह दिन केवल नियुक्ति पत्र प्राप्त करने वाले अभ्यर्थियों के लिए ही नहीं, बल्कि उनके परिवारजनों के लिए भी गर्व और हर्ष का अवसर है।

उक्त बातें मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने कही। वे आज टाना भगत इंडोर स्टेडियम, खेलगांव, रांची में आयोजित 1,042 नव चयनित इंटर एवं स्नातक प्रशिक्षित सहायक आचार्यों का नियुक्ति-पत्र वितरण समारोह को संबोधित कर रहे थे।

मुख्यमंत्री ने नव नियुक्त सहायक आचार्यों को अपनी ओर से उनके उज्जवल भविष्य की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि शिक्षक समाज और राष्ट्र निर्माण की सबसे महत्वपूर्ण कड़ी हैं। शिक्षकों के ज्ञान, व्यवहार और कार्यशैली से राज्य के बच्चों का भविष्य तय होगा।

मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने कहा कि सरकारी संस्थानों की कमियों-खामियों पर अक्सर उंगलियां उठती हैं, जिनमें से कुछ सही होती हैं तो कई गलत। झारखंड सरकार की जिम्मेवारी राज्य के सवा तीन करोड़ लोगों के प्रति है—जिसमें अधिकारी, कर्मचारी, बुजुर्ग, किसान, महिलाएं, नौजवान और छात्र शामिल हैं। यहां तक कि हवा, पानी सहित मूलभूत बुनियादी सुविधाओं के विकास की जिम्मेवारी भी जनता द्वारा चुनी गई सरकार की है, लेकिन, एक बेहतर समाज के निर्माण के लिए सिर्फ सरकार नहीं, बल्कि नागरिकों की भी अपनी अलग जिम्मेवारी है। यदि सभी लोग एक जिम्मेवार नागरिक के रूप में व्यवहार करें और अपना 'सिविक सेंस' मजबूत करें, तो व्यवस्था में बहुत बड़ा सकारात्मक बदलाव आ सकता है।

सरकार की आंख, कान और हाथ बनकर कार्य करें

मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने कहा कि आज से आप सभी नव नियुक्त सहायक आचार्य सरकार की आंख, कान और हाथ बनकर कार्य करेंगे। झारखंड की भौगोलिक और सामाजिक परिस्थितियां चुनौतीपूर्ण रही है, इसलिए दुर्गम ग्रामीण क्षेत्रों में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पहुंचाने की जिम्मेवारी आप सभी के कंधों पर रहेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि झारखंड के विद्यालयों से बच्चों के साथ कोई भी अप्रिय अथवा दुर्व्यवहार की खबर सामने नहीं आनी चाहिए। अगर बच्चों के साथ किसी भी प्रकार की बर्बरता या अमानवीय व्यवहार होती है, तो सरकार जितनी संवेदनशीलता से शिक्षकों को आगे बढ़ाने की सोच रखती है, कानून व्यवस्था को बनाए रखने के लिए उतने ही कड़े कदम उठाने से भी पीछे नहीं हटेगी। मुख्यमंत्री ने कहा कि शिक्षक अपनी जिम्मेवारी पूरी ईमानदारी और तत्परता के साथ निभाएंगे, तो समाज और राज्य दोनों को इसका लाभ मिलेगा। मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया के माध्यम से आने वाली घटनाओं का जिक्र करते हुए कहा कि सरकार ऐसे मामलों में सख्त कार्रवाई करने से पीछे नहीं हटेगी। मुख्यमंत्री ने शिक्षकों से बच्चों के प्रति संवेदनशील और कुशल व्यवहार अपनाने की अपील की। उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में किसी व्यक्ति की जाति या धर्म नहीं, बल्कि उसकी क्षमता, दक्षता, कार्य और विचार को महत्व देती है, इसलिए शिक्षकों को समाज में सकारात्मक माहौल बनाते हुए सभी को साथ लेकर आगे बढ़ना चाहिए। मुख्यमंत्री ने कहा कि जब हम सभी लोग अपने-अपने क्षेत्र में एकजुट होकर काम करेंगे, तो किसी भी चुनौती का सामना डटकर किया जा सकता है।

लाखों में से चयनित युवा हैं बौद्धिक संपदा, दुर्गम क्षेत्रों में संभालें शिक्षा का मोर्चा

मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने कहा परीक्षा में शामिल लाखों आवेदकों में से चुने गए आप सभी लोग बौद्धिक रूप से बेहद संपन्न हैं। यह नियुक्तियां व्यवस्था को मजबूती देने की दिशा में एक बड़ा कीर्तिमान है। सरकार के पिछले कार्यकाल में जहाँ 55 हजार से अधिक नियुक्तियां दी गई थीं, वहीं वर्तमान कार्यकाल के दूसरे महीने से ही स्वास्थ्य विभाग समेत विभिन्न विभागों में बड़े पैमाने पर नियुक्तियां निरंतर जारी है। मुख्यमंत्री ने कहा कि झारखंड संभावनाओं और प्रतिभाओं वाला राज्य है। राज्य ने हमेशा देश-दुनिया को प्रचुर मात्रा में संसाधन दिए, लेकिन उसके बदले इस राज्य को बहुत कम मिला है, यही कारण है कि यहां गुणवत्तापूर्ण शिक्षा की शुरुआत काफी विलंब से हुई, आज इसी चुनौती को भेदने की जिम्मेवारी आप सभी नवनियुक्त शिक्षकों को सौंपी जा रही है, जो दुर्गम और सुदूर क्षेत्रों में जाकर अपने आचरण और व्यवहार से समाज में बदलाव लाएंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि लम्बे समय तक इस राज्य को केवल खनिज संपदा के रूप में देखा गया, लेकिन अब राज्य सरकार शिक्षा, रोजगार और युवाओं के भविष्य को दृष्टिगत रखते हुए योजनाओं को मूर्त रूप दे रही है।

मुख्यमंत्री उत्कृष्ट विद्यालय ने बदली धारणा

मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन ने कहा कि हमारी सरकार ने निजी विद्यालयों के समानांतर राज्य में 'मुख्यमंत्री उत्कृष्ट विद्यालय' (Schools of Excellence) मॉडल को खड़ा किया है। वर्ष 2021 में शुरू हुए इस प्रयास का असर आज यह है कि शहरी व अन्य क्षेत्रों में जहाँ 9 से 10 हजार सीटें उपलब्ध हैं, वहीं दाखिले के लिए 40 हजार से अधिक आवेदन आ रहे हैं, जो सरकारी शिक्षा पर बढ़ते भरोसे का प्रतीक है। मुख्यमंत्री ने कहा कि आज के नियुक्ति पत्र वितरण में 200 से अधिक की संख्या में विज्ञान संकाय के शिक्षकाें की बहाली हुई है। अक्सर हमारे सरकारी विद्यालयों में साइंस शिक्षकों की कमी होने की शिकायत मिलती थी। सरकार ने अब साइंस विषयों के शिक्षकों की नियुक्ति की है। अब हमारे बच्चे विज्ञान की पढ़ाई कर इंजीनियर, डॉक्टर बनेंगे। प्रत्येक क्षेत्र में आगे बढ़ेंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार राज्य के सरकारी विद्यालयों की शैक्षणिक गुणवत्ता सुधारने के लिए निरंतर प्रयासरत है।

नव नियुक्त सहायक आचार्यों ने अपने अनुभव साझा किए..

नव नियुक्त सहायक आचार्य के पद पर चयनित रांची की श्रीमती सीता कुमारी ने अपनी अनुभव को साझा करते हुए कहा कि माननीय मुख्यमंत्री जी के करकमलों से उन्हें नियुक्ति पत्र मिल रहा है। उन्होंने मुख्यमंत्री के प्रति प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि 22 वर्षों के लंबे संघर्ष के बाद उन्हें नियुक्ति प्रक्रिया में शामिल होने का मौका मिला है। उन्होंने कहा कि माननीय मुख्यमंत्री जी के नेतृत्व में झारखंड शिक्षा के क्षेत्र में निरंतर नई ऊंचाइयों की ओर बढ़ रहा है। सरकार द्वारा अनेको कार्यक्रम चलाए गए हैं, जिसमें मुख्यमंत्री उत्कृष्ट विद्यालय में बच्चों को निजी विद्यालय की तर्ज पर अंग्रेजी माध्यम से शिक्षा दी जा रही है, अब बच्चे काफी चीजें कंप्लीट कर पा रहे हैं। इसके साथ ही मुख्यमंत्री छात्रवृत्ति योजना, सावित्रीबाई फुले योजना के द्वारा भी बच्चे-बच्चियां बहुत लाभान्वित हो रहे हैं और अपने सपनों को उड़ान दे रहे हैं। उन्होंने मुख्यमंत्री को विश्वास दिलाया कि सहायक आचार्य के पद पर कार्य करते हुए पूरी निष्ठा और कर्तव्य के साथ ईमानदारी पूर्वक कार्य करेंगी तथा बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा देने का पूरा प्रयास करेंगी।

नव नियुक्त सहायक आचार्य श्री मनोज कुमार वैद्य ने मुख्यमंत्री श्री हेमन्त सोरेन के प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि माननीय मुख्यमंत्री जी के द्वारा 2026 को नियुक्तियों का वर्ष घोषित किया गया था। उसका लाभ मुझे भी मिला है और यह सफलता कठिन परिश्रम मेहनत और माननीय मुख्यमंत्री जी के आशीर्वाद से संभव हुआ है। इसके लिए मैं तहे दिल से माननीय मुख्यमंत्री जी को धन्यवाद देना चाहता हूं। मैं माननीय मुख्यमंत्री जी को विश्वास दिलाता हूं कि मैं अपने दायित्वों का निर्वहन पूरी ईमानदारी के साथ करूंगा।

नव नियुक्त सहायक आचार्य श्री प्रदीप कुमार यादव ने अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि माननीय मुख्यमंत्री जी को वे सिर्फ टीवी स्क्रीन या न्यूज़पेपर की हेडलाइंस में ही देखते रहे थे। आज के नियुक्ति पत्र वितरण कार्यक्रम में सीधे मुख्यमंत्री जी के समक्ष खड़ा होकर उनसे मिलने और नियुक्ति पत्र प्राप्त करने का मौका मिल रहा है, जो गर्व और उत्साह का पल है। उन्होंने एक संस्मरण सुनाते हुए कहा कि जिस दिन इस नियुक्ति का रिजल्ट आया उसके बाद न्यूज़ पेपर में मेरी मां ने आपकी तस्वीर देखी, तो मेरी मां ने भावुक होकर आपकी तस्वीर को तीन बार प्रणाम किया। मेरी मां आज भी उस न्यूज़पेपर की प्रति को संजो कर रखी है। माननीय मुख्यमंत्री जी मेरी मां इस बात के लिए बहुत खुश है कि कहीं एक रुपया दिए बिना ही इतने पारदर्शी और निष्पक्ष तरीके से भर्ती हुई है। मेरे पिताजी इस दुनिया में नहीं है। मेरी मां ने मुझसे यही कहा है कि बेटा जिस प्रकार माननीय मुख्यमंत्री जी ने न्याय किया है, उसी प्रकार पूरी ईमानदारी और पूरी निष्ठा के साथ अपने कर्तव्यों का निर्वहन करना ।बहुत-बहुत धन्यवाद आदरणीय मुख्यमंत्री जी।

नियुक्ति पत्र वितरण समारोह में राज्य के वित्त मंत्री श्री राधाकृष्ण किशोर, सांसद राज्यसभा श्रीमती महुआ माजी, मुख्य सचिव श्री अविनाश कुमार, विभागीय सचिव श्री उमा शंकर सिंह सहित अन्य वरीय पदाधिकारीगण एवं नव नियुक्त सहायक आचार्य तथा उनके परिजन बड़ी संख्या में उपस्थित थे।

देवघर-30 जून 2026 हुल दिवस पर अमर शहीद सिद्धू कान्हु की प्रतिमा पर इंटक, महिला एवं देवघर जिला कांग्रेस अनुसूचित जाति विभाग द्वारा माल्यार्पण।

देवघर: हुल दिवस के अवसर पर देवघर झारखंड प्रदेश इंटक के प्रदेश सचिव अजय कुमार, देवघर जिला इंटक के जिला अध्यक्ष अनंत मिश्रा, देवघर जिला महिला कांग्रेस की अध्यक्ष प्रमिला देवी, देवघर जिला कांग्रेस अनुसूचित जाति विभाग के अध्यक्ष नित्यानंद सेवक, कांग्रेस नेता तुलसी पोद्दार, विष्णु हेंब्रम, शिवनाथ मुर्मू, अनिल पंडित, मनोरंजन सिंह, महिला कांग्रेस की संगीता शर्मा, देवघर जिला इंटक के सचिव अभिषेक सिंह, कोषाध्यक्ष आशीष कुमार ने देवघर प्रखंड के बदलाडीह में सिद्धू कान्हू की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। झारखंड प्रदेश इंटक के प्रदेश सचिव कांग्रेस अजय कुमार ने हुल दिवस पर अमर शहीद सिद्धू कान्हु को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि हुल दिवस झारखंड के इतिहास में एक अमर क्रांति व अंग्रेजों के खिलाफ एक बड़ी लड़ाई की याद दिलाता है। संथाल विद्रोह के प्रणेता सिद्धू- कान्हू ,चांद -भैरव जैसे महान सपूतों ने जल, जंगल, जमीन एवं महाजनों के शोषण व अत्याचार के खिलाफ अपनी कुर्बानी दी। इन दोनों महान सपूतों के अलावा और कई हजार लोगों ने जनजातीय परंपरा व मातृभूमि की रक्षा के लिए अपनी शहादत दी थी। जरूरत है इन सबों की शहादत को इतिहास में समुचित स्थान दिलाने की। देवघर जिला इंटक के जिला अध्यक्ष अनंत मिश्रा ने कहा कि यह कहने में कोई अतिशयोक्ति नहीं की संथाल विद्रोह के नायक सिद्दू- कान्हू, चांद- भैरव चार भाइयों ने हुल क्रांति की शुरुआत की थी। वे भारतीय स्वतंत्रता संग्राम के ऐसे योद्धा थे जिन्होंने अंग्रेजों से जमकर लोहा लिया और अंग्रेजी सत्ता की चूल हिला दी थी। अभिषेक सिंह सचिव देवघर जिला इंटक
भाजपा नेता सहित छ: लोगों के खिलाफ जानलेवा हमले का मुकदमा दर्ज
*सरकारी जमीन पर बने मकान को लेकर हुई थी शिकायत

गोंडा।जिले के वजीरगंज थाना क्षेत्र में सरकारी जमीन पर अवैध कब्जे की शिकायत करने के बाद एक व्यक्ति के भाई पर जानलेवा हमला कर दिया गया है।पीड़ित पक्ष की तहरीर पर ग्राम प्रधान प्रतिनिधि एवं भाजपा नेता समेत छ: लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।घायल का जिला मुख्यालय स्थित मेडिकल कालेज में इलाज चल रहा है।आरोप है कि शिकायत से नाराज ग्राम प्रधान प्रतिनिधि व भाजपा नेता स्वामी नाथ सिंह और उनके साथियों ने शिकायतकर्ता के भाई पर लाठी डंडों से हमला कर दिया।घटना सोमवार दोपहर लगभग 12.30 बजे की है।प्राप्त जानकारी के अनुसार पीड़ित विवेक कुमार शर्मा खेत से अपने घर लौट रहे थे कि पहले से ही रास्ते में घात लगाए बैठे आरोपियों ने उन्हें रोक लिया और गाली गलौज करते हुए लाठी डंडों से हमला कर दिया।मारपीट में विवेक कुमार शर्मा गंभीर रूप से घायल हो कर बेहोश हो गए।घटना के बाद परिजन विवेक कुमार शर्मा को इलाज के लिए जिला मुख्यालय स्थित मेडिकल कालेज ले गए,जहाँ उनका इलाज चल रहा है।चिकित्सकों के अनुसार विवेक कुमार शर्मा की हालत गंभीर बनी हुई है।पीड़ित के भाई मुकेश कुमार शर्मा की तहरीर पर वजीरगंज पुलिस ने सोमवार शाम लगभग 5.30 बजे ग्राम प्रधान प्रतिनिधि एवं भाजपा नेता स्वामी नाथ सिंह,हर्षित सिंह, निरंजन सिंह,शैलेश सिंह,विजय प्रताप सिंह और सौरभ सिंह के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज किया है।मुकदमे में जानलेवा हमला और गाली गलौज सहित अन्य धाराएं भी शामिल हैं।प्रकरण की विवेचना उपनिरीक्षक अंकित उपाध्याय को सौंपी गई है।महेश कुमार शर्मा ने बताया कि उन्होंने कुछ समय पहले जिलाधिकारी प्रियंका निरंजन से शिकायत किया था कि गांव में गाटा संख्या 1507 स्थित सरकारी खलिहान की जमीन पर स्वामी नाथ सिंह ने अवैध कब्जा कर मकान बना लिया है।उक्त शिकायत पर जिलाधिकारी ने उप जिलाधिकारी न्यायिक तरबगंज को जांच कर कार्रवाई के निर्देश दिए थे।महेश शर्मा का आरोप है कि वह और गिरीश दत्त त्रिपाठी लगातार सरकारी जमीन को कब्जामुक्त कराने की मांग कर रहे थे।इसी रंजिश में आरोपियों ने उनके भाई पर हमला कर दिया।उन्होंने दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और सरकारी जमीन से अवैध कब्जा हटाने की मांग की है।वजीरगंज थानाध्यक्ष विपुल पांडेय ने बताया कि तहरीर के आधार पर मुकदमा दर्ज कर लिया गया है तथा मामले की विस्तृत जांच की जा रही है।उन्होंने कहा कि जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
जनरल धीरज सेठ बने भारत के नए आर्मी चीफ, जनरल उपेंद्र द्विवेदी पद से रिटायर

#newarmychieflieutenantgeneraldheerajsethtakescharge

जनरल धीरज कुमार सेठ ने मंगलवार से भारत के नए सेना प्रमुख की जिम्मेदारी संभाली हैं। उन्हें जनरल उपेंद्र द्विवेदी की जगह आर्मी चीफ की जिम्मेदारी दी गई है। जनरल द्विवेदी सेना में चार दशकों से ज्यादा की सेवा देने के बाद रिटायर हुए हैं।

जनरल उपेंद्र द्विवेदी हुए रिटायर

जनरल धीरज सेठ के सेनाध्यक्ष बनने के साथ ही निवर्तमान सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी, पीवीएसएम, एवीएसएम आज ही सेवा से सेवानिवृत्त हो गए हैं। इस अवसर पर मंगलवार को उन्हें नई दिल्ली स्थित साउथ ब्लॉक लॉन्स में सेना द्वारा औपचारिक गार्ड ऑफ ऑनर प्रदान किया गया। इससे पहले सेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने नेशनल वॉर मेमोरियल पर पुष्पांजलि अर्पित की।

चार दशकों के शानदार सैन्य करियर

जनरल धीरज सेठ राष्ट्रीय रक्षा अकादमी, खड़कवासला के पूर्व छात्र हैं। दिसंबर 1986 में उन्होंने भारतीय सेना की बख्तरबंद कोर में कमीशन प्राप्त किया था। अपने चार दशकों के शानदार सैन्य करियर के दौरान, उन्होंने ऑपरेशनल, रणनीतिक, क्षमता विकास और संस्थागत क्षेत्रों में व्यापक अनुभव प्राप्त किया है। उनके इस अनुभव ने भारतीय सेना की युद्ध क्षमता और दीर्घकालिक परिवर्तन में महत्वपूर्ण योगदान दिया है।

कई अहम सैन्य अभियानों की संभाल चुके हैं जिम्मेदारी

जनरल सेठ कई महत्वपूर्ण सैन्य अभियानों में विभिन्न स्तर पर कमान संभाल चुके हैं। उनके कमांड असाइनमेंट में रेगिस्तानी क्षेत्र में एक बख्तरबंद रेजिमेंट, पश्चिमी मोर्चे पर एक बख्तरबंद ब्रिगेड और जम्मू-कश्मीर में एक आतंकवाद-विरोधी बल शामिल हैं।

उत्तम युद्ध सेवा मेडल से सम्मानित

जनरल धीरज सेठ ने जम्मू-कश्मीर में उग्रवाद-विरोधी बल आर्मर्ड रेजिमेंट 'स्किनर्स हॉर्स' की अगुवाई की। वहीं पश्चिमी मोर्चे पर उन्होंने एक स्ट्राइक कोर (रेगिस्तानी सेक्टर) के अलावा वे साउथ वेस्टर्न कमांड और सदर्न कमांड की जिम्मेदारी संभाल चुके हैं। इस तरह से वे भारतीय सेना के ऐसे दुर्लभ अफसर हैं, जिन्होंने इन दोनों ऑपरेशनल कमांड की जिम्मेदारी संभाली है। जनरल सेठ को जब लेफ्टिनेंट जनरल के पद पर प्रमोशन मिला तो उन्होंने 'सुदर्शन चक्र कोर' की भी जिम्मेदारी संभाली। इसके बाद वे दिल्ली एरिया के जनरल ऑफिसर कमांडिंग (GOC) बने, जहां से उन्होंने कई राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्री मिलिट्री ऑपरेशन की जवाबदेही संभाली। सोमवार (29 जून, 2026) को ही राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने लेफ्टिनेंट जनरल धीरज सेठ के तौर पर उन्हें उत्तम युद्ध सेवा मेडल दिया है। उन्होंने सदर्न कमांड के आर्मर्ड कोर से आर्मी चीफ का पद संभाला है।

सेना बैकग्राउंड वाले परिवार से आते हैं सेठ

आर्मी चीफ सेठ सेना के बैकग्राउंड वाले परिवार से आते हैं। उनके पिता लेफ्टिनेंट जनरल कृष्ण मोहन सेठ भारतीय सेना में एडजुटेंट जनरल के पद से 1997 में रिटायर हुए थे। जनरल कृष्ण मोहन सेठ ने सेना की दो बड़ी और अहम टुकड़ियों XXI स्ट्राइक कोर और III कोर की कमान भी संभाली थी।

अधिकतम खुदरा मूल्य मुख्य मुद्दा,केंद्र कानून बनाएं : जयंत कथेरिया

संभल-वस्तुओं पर लिखा मूल्य धोखा है उत्पादन मूल्य वस्तुओं पर प्रिंट हो जिससे लाभ का मार्जिन स्पष्ट हो सके उपभोक्ता ठगा ना जा सके संभल पिछड़ा , बिना रेलवे लाइन विकास संभव नहीं अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत के राष्ट्रीय सचिव जयत कथेरिया ने संभल में रेलवे लाइन विस्तार के लिए रेलमंत्री तक मामले को उठाने का वायदा किया ।

संभल के आलम सराय स्थित डी के रिसॉर्ट में आयोजित पश्चिमी उत्तर प्रदेश क्षेत्र अभ्यास वर्ग में अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत के राष्ट्रीय सचिव जयंत कथेरिया ने कहा कि वर्तमान में अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत का मुख्य  मुद्दा वस्तुओं पर प्रिंट एमआरपी है वस्तुओं पर उत्पादन मूल्य भी वस्तुओं पर प्रिंट होना चाहिए 12 जून को ग्राहक पंचायत द्वारा जंतर मंतर पर किए गए प्रदर्शन को मील का पत्थर बताते हुए कहा कि इस मुद्दे पर ग्राहक पंचायत के पदाधिकारियों की केंद्र सरकार से बात चल रही है ।

केंद्र ने एमआरपी पर ग्राहक पंचायत के सकारात्मक रवैया नहीं अपनाया तो अगला प्रदर्शन आर्थिक राजधानी मुंबई में होगा उन्होंने कहा संभल में रेलवे लाइन के विस्तार के लिए जिला इकाई के साथ रेल मंत्री से मिला जाएगा  मेरठ प्रांत के अध्यक्ष विपिन गुप्ता ने प्रवास के प्रकार,उसके महत्व से अवगत कराया तथा प्रवास की योजना कैसे बनानी चाहिए उन्होंने डिजिटल प्रवास के महत्व को बताया l ब्रज प्रांत के अध्यक्ष विष्णु कुमार अग्रवाल ने कहा कि संगठन का मुख्य उद्देश्य उपभोक्ता को शोषण के विरुद्ध आवाज उठाने हेतु प्रेरित करना है । पूर्व संगठन मंत्री भूपेश त्यागी ने संगठन में
कार्यकर्ता,कोष,कार्यालय, आदि के महत्व को बताया ।

इस अवसर पर उत्तराखंड प्रांत अध्यक्ष विनोद नौटियाल, क्षेत्रीय संगठन मंत्री लाखन सिंह,प्रांत संगठन मंत्री नरेंद्र शर्मा,विधि आयाम प्रमुख विनीत भटनागर, प्रांत सचिव ब्रज इंद्रभूषण कुलश्रेष्ठ, प्रांत सचिव पीतांबर शर्मा,नवीन त्यागी, जिलाध्यक्ष देवेंद्र वार्ष्णेय एडवोकेट, महावीर प्रसाद,सुधीर गर्ग,अभिषेक अग्रवाल,सोनू कुमार गुप्ता एड. महावीर प्रसाद, पारस वार्ष्णेय एड.बृजेश यादव एड.,चिराग गुप्ता, त्रिभुवन सर्राफ, जगत आर्य आदि भी उपस्थित रहे।
ट्रैक्टर से कुचलकर युवक की मौत
अमृतपुर- कृषि कार्य हेतु यह शब्द ट्रैक्टर के ऊपर लिखे होते हैं सभी ट्रैक्टर मालिक इनका उपयोग अब केवल कृषि कार्य में ही करेंगे। परंतु अब इन ट्रैक्टरों का उपयोग व्यापारिक रूप से भी किया जा रहा है। जिससे आए दिन दुर्घटनाएं होती हैं और लोगों की अनायास मौत हो जाती है। बीते दिवस भी एक शामियाना लदा ट्रैक्टर पलटने से एक व्यक्ति की मौत हो गई थी और आज फिर ईट भट्टे पर काम करने वाले मजदूर की मौत ट्रैक्टर पलटने से उसके नीचे दबने से हो गई। जानकारी के अनुसार राजेपुर अमृतपुर मार्ग पर नगला हूषा के पास ईट भट्टा है। इसी भट्टे पर फोतेपुर कायमगंज फर्रुखाबाद निवासी 20 वर्षीय आकाश पुत्र गिरीश चंद्र ईट ढुलाई का काम करता था। देर रात वह ट्रैक्टर पर ईंटें लादकर क्षेत्र के ग्राम खुशहाली नगला गया था। वहां ट्रैक्टर से ईटे उतारने के बाद जब वह वापस आ रहा था तो अचानक गांव के बाहर ट्रैक्टर पलट गया और ट्रैक्टर ट्राली के नीचे दबकर उसकी मौत हो गई। थाना पुलिस को सूचना दी गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने युवक को अस्पताल भिजवाया। जहां जांच के उपरांत उसे मृत घोषित कर दिया गया। उप निरीक्षक प्रताप सिंह ने मृतक व्यक्ति का पंचनामा भर कार्रवाई शुरू कर दी। जब उसके परिजनों को सूचना मिली तो उसका बड़ा भाई आलोक मां रीता देवी बहन नित्या सोनम और अन्य परिजन मौके पर पहुंच गए। इस भट्टे पर यह युवक बीते एक वर्ष से कार्य कर रहा था। भट्ठा मालिक रजनीश दीक्षित मृतक व्यक्ति के परिजनों को ढाढस बंधाने मौके पर नहीं पहुंच पाए। परिजनों में युवा बेटे की मौत को लेकर गहरा दुख था और सभी रो रहे थे।
किसानों के साथ अनदेखी की गई तो किसान यूनियन खोलेगा मोर्चा
अमृतपुर-फर्रुखाबाद l जटपुरा-करनपुरदत्त संपर्क मार्ग निर्माण को लेकर ग्रामीणों और लोक निर्माण विभाग के बीच चल रहे विवाद के बीच सोमवार को भारतीय किसान यूनियन टिकैत गुट ने मोर्चा संभाल लिया।यूनियन के जिलाध्यक्ष अजय कटियार ने ग्रामीणों के साथ बैठक करने के बाद अमृतपुर तहसील पहुंचकर तहसीलदार शशांक सिंह से वार्ता की और किसानों के हितों की रक्षा की मांग उठाई। तहसीलदार से हुई वार्ता के बाद मीडिया से बातचीत में अजय कटियार ने कहा कि किसान विकास कार्यों के विरोधी नहीं हैं। सड़क का निर्माण होना चाहिए, लेकिन किसानों के अधिकारों और उनकी जमीन की अनदेखी किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा कि राजस्व अभिलेखों में जितनी चौड़ाई और जितना रकबा चकमार्ग के लिए दर्ज है, विभाग केवल उसी सीमा तक निर्माण करे।
उन्होंने स्पष्ट किया कि किसानों के खेतों से न तो मिट्टी ली जाएगी और न ही उनकी खड़ी फसल को नुकसान पहुंचाया जाएगा। यदि कोई किसान अपनी निजी भूमि सड़क निर्माण के लिए देना नहीं चाहता है तो उसके साथ किसी प्रकार की जबरदस्ती नहीं की जाएगी।अजय कटियार ने बताया कि वार्ता में इस बात पर सहमति बनी है कि विभाग केवल राजस्व रिकॉर्ड में दर्ज चकमार्ग की सीमा के भीतर ही कार्य करेगा। इसके अतिरिक्त किसानों की भूमि या खेतों से मिट्टी नहीं ली जाएगी और फसल भी नहीं उजाड़ी जाएगी।उन्होंने चेतावनी दी कि यदि प्रशासन और पीडब्ल्यूडी विभाग इस सहमति का पालन नहीं करते हैं तो भारतीय किसान यूनियन आंदोलन करेगी। सबसे पहले अमृतपुर के उपजिलाधिकारी और तहसीलदार का घेराव किया जाएगा। इसके बाद आवश्यकता पड़ने पर फर्रुखाबाद लोक निर्माण विभाग कार्यालय का भी घेराव किया जाएगा।
जिलाध्यक्ष ने बताया कि किसानों के हितों की निगरानी के लिए पांच सदस्यीय समिति गठित की जाएगी। समिति के सदस्य लेखपाल और कानूनगो के साथ मौके पर जाकर राजस्व अभिलेखों के अनुसार भूमि की जांच करेंगे। जांच पूरी होने के बाद ही सड़क निर्माण कार्य शुरू करने की अनुमति दी जाएगी। तहसीलदार ने अपने मातहत कर्मचारियों को निर्देश दिए कि वह किसानों के हितों को सर्वोपरि रखें और किसी भी कीमत से उनके खेतों से मिट्टी ना उठाई जाए और न हीं उनकी फसल को हानि पहुंचाई जाए। कार्य के दौरान मानकों का विशेष ध्यान रखा जाए लापरवाही किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
शराब बंदी को लेकर राष्ट्रीय मोर्चा ने शुरु की पहल

फर्रुखाबाद।
राष्ट्रीय शराबबंदी मोर्चा की मीटिंग अरविंद सक्सेना के आवास पर संपन्न हुई l इस मीटिंग में चाचा सुल्तान सिंह  सुलक्षणा सिंह महिला संगठन की पदाधिकारी संजू श्रद्धा पांडे कमलेश पांडे रंजन बाथ एम की श्रादेवी सूरजमुखी बहुत सारी बहने उपस्थित हुई और हमारे चाचा सुल्तान सिंह के साथ में भी काफी बुजुर्ग और सक्रिय सदस्य काफी लोगों ने शराब बंद के भाषण दिए और कहा कि शराब देश से बिल्कुल खत्म होनी चाहिए क्योंकि शराब की समस्याएं बहाने झेल रही हैं पति पीके आता है हर एक घर में पत्नी परेशान हैं और यह मीटिंग हर नुक्कड़ पर हर गली में हर मोहल्ले में जारी रहेगी सब लोगों ने संकल्प लिया कि हम लोग ऐसे ही कार्य करते रहेंगे जब तक यह शराब बंद नहीं होगी जय भारत माता जय शराबबंदी मोर्चा जय चाचा सुल्तान सिंह मौजूद रहे।
लोहिया अस्पताल में डीपीआरओ ने कुपोषित बच्चों को किए फल वितरित

फर्रुखाबाद डॉक्टर राम मनोहर लोहिया जिला अस्पताल में आज सोमवार को डीपीआरओ द्वारा एनआरसी में कुपोषित बच्चों को फल वितरण किये। इस दौरान पत्रकारों से बात करते हुए डीपीआरओ ने बताया कि एनआरसी में लगभग 10 बैड है फिर भी किसी तरह डॉक्टर ने व्यवस्था करके 14  बच्चों की देखभाल की रही है । उन्होंने कहा कि सभी बच्चे सही और स्वस्थ्य हैं उन्होंने बताया की डॉ राम मनोहर लोहिया का निरीक्षण किया और एनआरसी में निरीक्षण के दौरान कुछ  खामियां मिली हैं वह जल्द ही सही कराई जाएगी और सभी कुपोषित बच्चों की देखभाल भी सही हो रही है ।