23 जनवरी की शाम को छह बजते ही ज्ञानपुर में होगा ब्लैक आउट, गूंजेंगे सायरन

नितेश श्रीवास्तव


भदोही। 23 जनवरी की शाम को छह बजते ही ज्ञानपुर कस्बे में ब्लैक आउट कर दिया जाएगा। चारों तरफ सायरन की आवाज सुनाई देगी, लेकिन किसी को परेशान होने की जरूरत नहीं है। 23 जनवरी को नेताजी सुभाषचंद्र बोस के जन्म दिवस पर ब्लैक आउट मॉक ड्रिल का आयोजन किया जाएगा। इसमें नागरिक सुरक्षा विभाग की ओर से डीडीएमए, एसडीआरएफ, अग्निशमन, पुलिस, स्वास्थ्य व अन्य संबंधित विभाग शामिल होंगे। एसपी अभिमन्यु मांगलिक ने बताया कि ब्लैक आउट मॉकड्रिल में कम से कम 50 नागरिक सुरक्षा स्वयं सेवक, आपदा मित्र, एनसीसी कैडेड, एनएसए कैडेड, एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, भूतपूर्व सैनिक आदि शामिल होंगे। इसमें करीब 15 से 20 मिनट के मॉक ड्रिल के दौरान हवाई हमले की चेतावनी के लिए दो मिनट तक सायरन ध्वनि प्रसारित की जाएगी। सायरन बजते ही नागरिकाें की ओर से सुरक्षित स्थानों पर शरण लेने के साथ स्वयं सेवकों को आग बुझाने के लिए फायर एक्सटिंगुशर का प्रयोग करना, फायर सर्विस की बड़ी आग बुझाने के लिए फायर टेडर वेहिकल का प्रयोग किया जाएगा। वहीं, हमले के दौरान घायल हुए लोगों का नागरिक सुरक्षा स्वयं सेवकों की ओर से प्राथमिक उपचार प्रदान किया जाएगा। घायलों को एंबुलेंस से अस्पताल तक पहुंचाए जाने के बाद मॉकड्रिल के समाप्ति की घोषणा की जाएगी। जिले में इसको लेकर सभी तरह की तैयारियां पूरी कर ली गई है।
4.50 करोड़ से बना गेस्ट हाउस मार्च से संचालन होने की उम्मीद

*जनपद को मिलेगा तीसरा राजकीय गेस्ट हाउस, बेहतर होगी सुविधा*


नितेश श्रीवास्तव

भदोही। सब कुछ ठीक रहा तो जिले को जल्द ही तीसरा गेस्ट हाउस मिल जाएगा। साढ़े चार करोड़ की लागत से ज्ञानपुर के पुरानी तहसील परिसर में निर्माणाधीन राजकीय गेस्ट हाउस का काम 90 फीसदी पूरा हो चुका है। लोक निर्माण विभाग होली से पहले इसको हैंडओवर कराने में जुट गया है। टाइल और रंग-रोगन का काम अभी बचा है। गेस्ट हाउस बनने से जिले में बाहर से आने वाले अधिकारियों के साथ ही जनप्रतिनिधियों को सहूलियत मिलेगी। जिले में अब तक दो गेस्ट हाउस बनाए गए हैं। पहला गेस्ट हाउस ज्ञानपुर तहसील के पास और दूसरा वाराणसी, प्रयागराज हाइवे पर लालानगर टोल प्लाजा के पास है। हाइवे पर स्थित राही पर्यटक गेस्ट हाउस की हालत ठीक नहीं है। शासन से आने वाले नोडल अफसर, मंत्री से लेकर अन्य जनप्रतिनिधि ज्ञानपुर के तहसील के पास स्थित गेस्ट हाउस में ही ठहरते हैं। अक्सर शासन से एक ही दिन दो बड़े अधिकारी से लेकर मंत्री के आने पर ठहराव में दिक्कतें होती हैं। पांच से छह साल पहले नए राजकीय गेस्ट हाउस के निर्माण की प्रक्रिया शुरू हुई थी। इसको अमली जामा साल 2024 में पहनाया गया। पुरानी तहसील परिसर में जमीन का चयन कर निर्माण शुरू किया गया। करीब डेढ़ साल में गेस्ट हाउस का ग्राउंड फ्लोर और प्रथम तल बनकर तैयार हो चुका है। टाइल लगाने का काम अंतिम दौर में है। लोक निर्माण विभाग की ओर से गेस्ट हाउस को हैंडओवर कराने की कवायद शुरू हो गई है। अधिशासी अभियंता लोक निर्माण संदीप सरोज ने बताया कि जिले में तीसरा गेस्ट हाउस पुरानी तहसील परिसर में बन रहा है। 90 फीसदी काम पूरा हो चुका है। रंगरोगन का काम पूरा कराकर होली से पहले हैंडओवर किया जाएगा। उन्होंने बताया कि ग्राउंड और फर्स्ट फ्लोर पर छह सूट और मीटिंग हॉल बन रहा है। इसके अलावा अन्य महत्वपूर्ण सुविधाएं इसमें रहेंगी।
कालीन नगरी में ढूंढे जाएंगे साल 2019 में जन्मे 28 हजार बच्चे

*शिक्षा विभाग की विशेष पहल,न‌ए शैक्षिक सत्र में नामांकन बढ़ाने में मिलेगी मदद*

रिपोर्ट -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। नए शिक्षा सत्र में बच्चों का नामांकन बढ़ाने के लिए अबकी बार विशेष पहल की जा रही है। साल 2019 में जन्म लेने वाले 28 हजार बच्चों को ढूढ़ा जाएगा। स्वास्थ्य, बाल विकास और शिक्षा विभाग ऐसे बच्चों को चिह्नित करेगा। उसके बाद एक अप्रैल से ऐसे बच्चों को विद्यालयों में प्रवेश दिलाएगा। जिले में 885 प्राथमिक, पूर्व माध्यमिक और कंपोजिट विद्यालय संचालित हैं। इसमें पहली से आठवीं तक के एक लाख 45 हजार बच्चे पंजीकृत हैं। हर साल नए शिक्षा सत्र में बच्चों का नामांकन बढ़ाने के लिए स्कूल चलो अभियान चलाया जाता है। ईंट भट्ठों से लेकर मलिन बस्तियों में भी ड्राप आउट को चिह्नित कर विद्यालय में एडमिशन दिलाया जाता है। इस साल नामांकन बढ़ाने के लिए विशेष तैयारी की जा रही है। साल 2019 में जन्म लेने वाले बच्चों की उम्र 2025 में छह साल हो गई है।
सीडीओ के निर्देश पर स्वास्थ्य विभाग से जन्म लेने वाले बच्चों की सूची तलब की गई। इसमें करीब 28 हजार 248 बच्चे ऐसे चिह्नित किए गए हैं जिनका जन्म साल 2019 में हुआ है। बाल विकास एवं पुष्टाहार विभाग, स्वास्थ्य विभाग और शिक्षा विभाग से आपसी समन्वय बनाकर ऐसे बच्चों को ढूढ़ा जाएगा। अभिभावक से संपर्क कर उनका प्रवेश नजदीकी परिषदीय विद्यालयों में कराया जाएगा। हर साल परिषदीय स्कूलों में बच्चों की घटती संख्या से शिक्षक और शिक्षा विभाग चिंतत रहता है। इस साल पहले ही विभाग ने कमर
कस लिया है। इसके सकारात्मक परिणाम देखने को मिलेंगे।


परिषद विद्यालयों में बच्चों का नामांकन बढ़ाने के लिए साल 2019 में जन्म लेने वाले बच्चों ट्रेस किया जाएगा। इसमें स्वास्थ्य, शिक्षा और बाल विकास विभाग को समन्वय बनाकर काम करने के लिए कहा गया है।

बाल गोविंद शुक्ला सीडीओ
आरटीई : दो फरवरी से शुरू होगा प्रवेश के लिए आवेदन ऑनलाइन आवेदन


*3 चरणों में होंगे प्रवेश,18 दिनों में पूरी होगी प्रकिया,दो साल तक चार चरणों में हुआ था प्रवेश*

रिपोर्ट -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। करीब डेढ़ महीने इंतजार के बाद अंतत: आरटीई के तहत गरीब बच्चों के निजी स्कूलों में दाखिले के लिए आवेदन लेने की तिथि निदेशालय ने तय कर दी है। दो फरवरी से पहले चरण के प्रवेश के लिए आवेदन की शुरूआत होगी। अबकी बार दो महीने के अंदर तीन चरणों में प्रवेश प्रक्रिया पूरी की जाएगी। साल 2024 और 2025 में चार चरणों में चार महीने में आवेदन से लेकर सत्यापन, प्रवेश की गतिविधियां पूरी की गई थीं।
आरटीई के तहत कॉन्वेंट विद्यालयों में 25 फीसदी सीटों पर गरीब बच्चों को प्रवेश दिलाया जाता है। उनके कॉपी-किताब तक का खर्च शासन स्तर से वहन किया जाता है। पिछले दो साल से एक दिसंबर से ही प्रवेश प्रक्रिया शुरू कर दी गई थी, लेकिन इस बार 15 जनवरी के बाद तिथि तय की गई है। शिक्षा सत्र 2026-27 के लिए पहले चरण में दो से 16 फरवरी तक आवेदन लेने के साथ सत्यापन किया जाएगा। 18 फरवरी को लॉटरी निकाली जाएगी और 20 को विद्यालय आवंटित होगा। दूसरे चरण में 21 फरवरी से सात मार्च तक आवेदन, सत्यापन और डॉटा लाॅक किया जाएगा। नौ मार्च को लॉटरी और 11 मार्च को विद्यालय आवंटित होगा। तीसरे चरण में 12 से 25 मार्च तक आवेदन, 27 मार्च को लॉटरी और 29 को स्कूल आवंटित किया जाएगा। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी शिवम पांडेय ने बताया कि तीन चरणों में आवेदन की तिथि तय की गई है। ऑनलाइन आवेदन लेने के बाद सभी प्रक्रिया तिथिवार पूरी की जाएगी। बताया कि अधिक से अधिक बच्चों को प्रवेश दिलाने का प्रयास किया जाएगा
आईजीआरएस निस्तारण में भदोही पुलिस को प्रदेश में प्रथम रैंक: अपर पुलिस अधीक्षक ने 9 कर्मचारियों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया


नितेश श्रीवास्तव

भदोही। भदोही पुलिस ने उत्तर प्रदेश सरकार के जनसुनवाई पोर्टल (IGRS) पर प्राप्त शिकायतों के निस्तारण में प्रदेश स्तर पर प्रथम स्थान प्राप्त किया है। यह उपलब्धि लगातार छह महीनों (जुलाई से दिसंबर) तक शिकायतों के समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण समाधान के परिणामस्वरूप मिली है। इस उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए अपर पुलिस अधीक्षक शुभम अग्रवाल ने जनपद भदोही के कुल नौ पुलिसकर्मियों को प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया। इन कर्मचारियों ने पुलिस अधीक्षक अभिमन्यु मांगलिक के निर्देशन में अपने कर्तव्यों का निर्वहन किया। अपर पुलिस अधीक्षक ने आशा व्यक्त की कि भविष्य में भी पुलिसकर्मी इसी निष्ठा और लगन के साथ आईजीआरएस के कार्यों को समय पर पूरा करते रहेंगे, जिससे जनपद पुलिस की रैंकिंग उच्च स्तर पर बनी रहे। प्रशस्ति पत्र प्राप्त करने वाले कर्मचारियों में थाना कोइरौना से कांस्टेबल आर्यन कुमार और महिला कांस्टेबल अन्नपूर्णा शामिल हैं। थाना ऊंज से महिला कांस्टेबल सारिका सिंह और महिला कांस्टेबल आरती द्विवेदी को सम्मानित किया गया।
थाना भदोही से हेड कांस्टेबल सुशील जायसवाल, महिला कांस्टेबल मीनाक्षी और कांस्टेबल प्रविंद्र कुमार को प्रशस्ति पत्र मिला। इसके अतिरिक्त, थाना सुरियावां से कांस्टेबल धर्मेंद्र सिंह और कांस्टेबल निलय सिंह को भी सम्मानित किया गया।
12 सेक्टर में बांटे जाएंगे 94 परीक्षा केंद्र

*परीक्षा केंद्रों पर एक - एक सेक्टर मजिस्ट्रेट किए जाएंगे तैनात*

रिपोर्ट -‌ नितेश श्रीवास्तव भदोही। जिले में यूपी बोर्ड की परीक्षा शुरू होने में अब एक महीने का समय शेष है। पारदर्शी एवं सुचितापूर्ण परीक्षा कराने की तैयारी में माध्यमिक शिक्षा विभाग जुट गया है। 94 केंद्रों को 12 सेक्टरों में बांटा जाएगासभी केंद्रों पर एक-एक स्टेटिक मजिस्ट्रेट और वित्तविहीन विद्यालयों पर अतिरिक्त केंद्र व्यवस्थापकों की ड्यूटी लगाई जाएगी। इसका प्रस्ताव तैयार कर लिया गया है। जल्द ही परीक्षा समिति की बैठक में इस पर अंतिम मुहर लगाई जाएगी। जिले में 38 राजकीय, 25 वित्तपोषित सहित 193 माध्यमिक और इंटर काॅलेज हैं। इनमें से 94 को परीक्षा केंद्र बनाया गया है। हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की परीक्षा में 54 हजार छात्र-छात्राएं शामिल होंगे। परीक्षा शुरू होने में महीने भर का समय शेष बचा है। इन दिनों शिक्षा विभाग की ओर से प्री-बोर्ड परीक्षा कराई जा रही है। वहीं, फरवरी के पहले सप्ताह में प्रायोगिक परीक्षा कराई जाएगी। 18 फरवरी से शुरू हो रही बोर्ड परीक्षा को सकुशल संपन्न कराने के लिए मजिस्ट्रेट नामित करने की प्रक्रिया भी शुरू हो गई है। जिला विद्यालय निरीक्षक अंशुमान ने बताया कि तीनों एसडीएम को जोनल और 12 जिला स्तरीय अधिकारियों को सेक्टर मजिस्ट्रेट बनाया जाएगा। इसका प्रस्ताव तैयार किया जा रहा है। सभी केंद्रों पर एक-एक स्टेटिक मजिस्ट्रेट भी तैनात होंगे, जो दोनों पालियों में होने वाली परीक्षा की निगरानी रखेंगे। सेक्टर मजिस्ट्रेट की तैनाती की सूची तैयार की जा रही है। उच्चाधिकारियों की संस्तुति के बाद सभी को जिम्मेदारी सौंप दी जाएगी
ठंड में चोरी की घटनाओं पर लगेगी लगाम

*चोरों का सत्यापन कर रही पुलिस, गोपीगंज पुलिस ने 51 और भदोही ने 43 चौरी किया सत्यापन*

रिपोर्ट -‌ नितेश श्रीवास्तव भदोही। ठंड में बढ़ी चोरी की घटनाओं पर लगाम लगाने के लिए पुलिस अलर्ट मोड पर है। पुलिस ने भदोही और गोपीगंज कोतवाली के 94 अभियुक्तों का सत्यापन किया। इसमें गोपीगंज पुलिस ने 51 व भदोही पुलिस 43 चोरों का सत्यापन किया है। भदोही में अपराध करने वाले अन्य प्रांतों के नौ और गैर जनपदों के 114 अभियुक्तों का चिह्नित करके उनका सत्यापन कर रही है। टीम ने इस दौरान लोगों को जागरूक भी किया। इससे चोरी की घटनाओं को कम किया जा सके। चोरों ने बीते एक महीने में 20 से 25 चोरी की घटनाओं को अंजाम दिया है। इस पर लगाम लगाने के लिए एसपी अभिमन्यु मांगलिक ने जिले के हर थानों के चोरों का रिकॉर्ड तलाशने के निर्देश दिए हैं। इसके आधार पर अलग-अलग थानों में चोरी के मुकदमों में वांछित अभियुक्तों का सत्यापन किया जा रहा है। एसपी ने चोरी के मुकदमों में वांछित गैर जनपद व प्रांतों के एसपी के पत्र लिखकर संबंधित चोरों के अपराधिक रिकॉर्ड को तलाशने का प्रयास किया है। गांवों व कस्बों में पहुंचकर पुलिस टीम लोगों को जागरूक कर रही है। उन्हें स्पष्ट रूप से यह निर्देशित कर रही है कि किसी आवश्यक काम से अगर घर से बाहर जा रहे हैं तो संबंधित थानों की पुलिस को सूचित कर दें। जिससे विशेष नजर रखी जा सके। चोरी की घटनाओं पर लगाम लगाने के लिए पुलिस सत्यापन कर रही है। जिले में चोरी की घटना को अंजाम देने वाले चोरी के सत्यापन के लिए गैर जनपदों और प्रांतों के एसपी को पत्र लिखा गया है। ताकि उनके अपराधिक रिकॉर्ड का पता चल सके। अभिमन्यु मांगलिक पुलिस अधीक्षक भदोही
यूपी बोर्ड परीक्षा : इस बार बनेगा सिर्फ एक मूल्यांकन केंद्र
जीआईसी में ही जांची जाएगी हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की कापियां


नितेश श्रीवास्तव

भदोही। जिले में इस बार यूपी बोर्ड परीक्षा की कॉपियों के लिए एक ही मूल्यांकन केंद्र बनेगा। इंद्र बहादुर सिंह नेशनल इंटर कॉलेज भदोही ने अपनी सहमति नहीं दी है। इससे विभूति नारायण राजकीय इंटर कॉलेज में ही हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की कापियां जांची जाएंगी। माध्यमिक शिक्षा विभाग ने परिषद को प्रस्तावित केंद्र की सूची भेज दी है। जिले में हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की बोर्ड परीक्षाएं 18 फरवरी से शुरू होंगी।

94 केंद्रों पर होने वाली परीक्षा में करीब 54 हजार छात्र-छात्राएं शामिल होंगे। बोर्ड परीक्षा खत्म होने के बाद कॉपियों का मूल्यांकन शुरू होगा। सूबे के अलग-अलग जिलों की कॉपियां मंडलवार क्षेत्रों में भेजी जाती हैं। कोविड से पहले हाईस्कूल और इंटर की कॉपियों का मूल्यांकन जीआईसी में होता था, लेकिन पांच साल से हाईस्कूल की कापियों के लिए नेशनल और इंटर के लिए जीआईसी को मूल्यांकन केंद्र बनाया जाता था।

साल 2026 में मूल्यांकन केंद्र निर्धारण होने से पहले ही नेशनल इंटर कॉलेज ने केंद्र बनने से हाथ खींच लिए है। जिला विद्यालय निरीक्षक अंशुमान ने बताया कि नेशनल इंटर कॉलेज ने इस बार मूल्यांकन न करने का निर्णय लिया है। इससे विभूति नारायण राजकीय इंटर कॉलेज को ही मूल्यांकन केंद्र बनाया जाएगा। यहां पर हाईस्कूल और इंटर की कापियां जांची जाएंगी। माध्यमिक शिक्षा परिषद को प्रस्ताव भेज दिया गया है। बताया कि मूल्यांकन काम सीसीटीवी कैमरे की निगरानी में होगा।

इससे पारदर्शिता कायम रहे। डीआईओएस ने बताया कि परीक्षा खत्म होने पर मूल्यांकन की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
मकर संक्रांति पर हजारों श्रद्धालुओं ने गंगा में लगाई डुबकी:सीतामढ़ी सहित विभिन्न घाटों पर किया दान-पुण्य


रिपोर्ट -‌ नितेश श्रीवास्तव

भदोही। मकर संक्रांति पर्व पर जिले के सीतामढ़ी, रामपुर और भोगांव गंगा घाटों पर हजारों श्रद्धालुओं ने आस्था की डू्बकी लगाई। सुबह से ही गंगा घाट पर भक्तों की भीड उमड़ पड़ी। सुरक्षा व्यवस्था के लिए पुलिस बल तैनात किया गया था। यह माघ पर्व का पहला स्नान था, जिसके चलते सुबह से ही लोग गंगा घाटों पर पहुंचने लगे। स्नान के बाद श्रद्धालुओं ने दान-पुण्य किया, जिसके बाद ही उन्होंने अपने अन्य कार्य शुरू किए।
मान्यता है कि मकर संक्रांति पर गंगा में स्नान करने से समस्त पापों का नाश होता है। इसी कारण श्रद्बालु गंगा स्नान को अत्यधिक महत्व देते हैं। एक ओर जहां लोग गंगा स्नान और दान करने में व्यस्त थे। वहीं दूसरी ओर बच्चे पतंगबाजी का आनंद ले रहे थे। लोगों ने अपनी बहन - बेटियों के यहां खिचड़ी पहुंचाने का भी कार्य किया। गंगा स्नान के बाद मकर संक्रांति पर्व पर खिचड़ी खाने का एक विशेष महत्व है,जो प्राचीन काल से चला आ रहा है।
वाहनों के फिटनेस के लिए लगाना होगा 70 से 90 किमी का चक्कर
*वाहनों की फिटनेस पांच जनवरी से बंद है,अब मिर्जापुर वाराणसी में होगा फिटनेस*



रिपोर्ट -‌ नितेश श्रीवास्तव


भदोही। जिले में वाहनों का फिटनेस कराने के लिए वाहन चालकों को अब 70 से 90 किमी का चक्कर लगाना पड़ेगा। वाहनों का फिटनेस करने वाली संस्था एटीएस का सेंटर इस समय मिर्जापुर के लालगंज और वाराणसी में है। जिले के वाहन स्वामियों के सामने परेशानी खड़ी हो गई है। खासकर ऑटो चालकों के सामने बड़ा संकट खड़ा हो गया है। उन्हें 15 किलोमीटर का ही परमिट मिलता है। ऐसे में फिटनेस के लिए अगर वे 70 किमी दूर जाते हैं तो चालान कट जाएगा।


एआरटीओ राम सिंह ने बताया कि आठ से नौ हजार चार पहिया वाहन हैं। 6 से 7 हजार ऑटो, तीन हजार के आसपास ई-रिक्शा पंजीकृत हैं। इन वाहनों को समय-समय पर फिटनेस चेक कराना होता है। इससे वाहन सड़क पर चलने लायक हैं कि नहीं, इसका पता लगाया है।
वाहनों की फिटनेस जांच करने वाली संस्था एटीएस प्रदेश के 96 सेंटरों पर काम करती थी, लेकिन बीते पांच जनवरी से यह केवल 17 सेंटरों पर ही काम कर रही है। इससे फिटनेस के लिए वाहन चालकों को अब लालगंज मिर्जापुर या फिर वाराणसी के एटीएस सेंटर पर जाना होगा।